LATEST NEWS

कृष्णागिरी में 13 साल की छात्रा के साथ रेप, एक महीने बाद हुआ खुलासा, सरकारी स्कूल के तीन शिक्षक गिरफ्तार

कृष्णागिरी तमिलनाडु के कृष्णागिरी जिले में 13 साल की स्कूली छात्रा के साथ दुष्कर्म का मामला सामने आया है। स्कूल के ही शिक्षकों ने छात्रा के साथ रेप किया। एक महीने के बाद इस वारदात का खुलासा हुआ है। पुलिस ने इस मामले में 3 आरोपी शिक्षकों को गिरफ्तार कर लिया है। तीनों शिक्षकों को बुधवार को  POCSO कानून के तहत गिरफ्तार कर लिया गया। तीनों आरोपियों को 15 दिन की पुलिस रिमांड पर भेज दिया गया है। एक सरकारी स्कूल में तीन शिक्षकों ने 13 साल की छात्रा का यौन उत्पीड़न किया है। तीनों आरोपियों को बुधवार को यौन अपराधों से बच्चों के संरक्षण (POCSO) अधिनियम की विभिन्न धाराओं के तहत गिरफ्तार करने के बाद 15 दिन की पुलिस रिमांड पर भेज दिया गया है। पुलिस के अनुसार यह अपराध 2 जनवरी को स्कूल के शौचालय के अंदर हुआ। न्यूज एजेंसी एएनआई ने कृष्णागिरी कलेक्टर सी दिनेश कुमार के हवाले से बताया, “कृष्णागिरी जिले के एक सरकारी मिडिल स्कूल में तीन शिक्षकों ने 13 वर्षीय छात्रा का कथित तौर पर यौन उत्पीड़न किया। तीनों शिक्षकों को जिला शिक्षा अधिकारी (DEO) ने निलंबित कर दिया है और यौन अपराधों से बच्चों के संरक्षण (POCSO) अधिनियम की विभिन्न धाराओं के तहत गिरफ्तार किया है। आरोपी शिक्षकों को 15 दिनों की पुलिस रिमांड पर भेज दिया गया है।” मामले से अवगत एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने बताया कि यह घटना कथित अपराध के एक महीने बाद 2 फरवरी को सामने आई, जब छात्रा के माता-पिता ने प्रधानाध्यापक के इस अपराध के बारे में सूचित किया। सूचना मिलने के बाद जिला शिक्षा अधिकारी (डीईओ) और चाइल्ड हेल्पलाइन ने शिक्षकों के खिलाफ कार्रवाई शुरू की। उन्होंने कहा, “पीड़िता के माता-पिता द्वारा दर्ज कराई गई शिकायत के आधार पर तीनों आरोपी शिक्षकों को निलंबित कर दिया गया है और उन्हें पोक्सो अधिनियम की विभिन्न धाराओं के तहत गिरफ्तार किया गया है।” आपको बता दें कि पिछले साल के अंत में तमिलनाडु में कोट्टूरपुरम पुलिस ने अन्ना विश्वविद्यालय मामले में एकमात्र आरोपी बिरयानी विक्रेता 37 वर्षीय ज्ञानसेकरन को गिरफ्तार किया था। उसने विश्वविद्यालय में जबरन घुसकर कथित तौर पर दूसरे वर्ष की छात्रा के साथ मारपीट की थी। पुलिस को दी गई अपनी शिकायत में महिला ने कहा कि वह 23 दिसंबर को एक इमारत के पीछे अपने पुरुष मित्र के साथ घूम रही थी, तभी आरोपी ने उन्हें धमकाया। उसने पहले उसके पुरुष मित्र, तीसरे वर्ष के छात्र के साथ मारपीट की और फिर उसका यौन उत्पीड़न किया। उसने अगले दिन कोट्टूरपुरम के महिला पुलिस स्टेशन में शिकायत दर्ज कराई। इस अपराध ने राज्य में बड़े पैमाने पर राजनीतिक हंगामा मचा दिया। कृष्णागिरी के कलेक्टर ने क्या कहा? कृष्णागिरी के कलेक्टर सी दिनेश कुमार ने कहा, “कृष्णागिरी जिले के एक सरकारी मिडिल स्कूल में तीन शिक्षकों ने 13 वर्षीय छात्रा के साथ कथित तौर पर यौन उत्पीड़न किया। जिला शिक्षा अधिकारी (DEO) ने तीनों शिक्षकों को निलंबित कर दिया है और यौन अपराधों से बच्चों के संरक्षण (POCSO) अधिनियम की अलग-अलग धाराओं के तहत गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी शिक्षकों को 15 दिन की पुलिस रिमांड पर भेज दिया गया है। एक महीने बाद वारदात का हुआ खुलासा पुलिस के मुताबिक, 2 जनवरी को स्कूल के शौचालय में छात्रा के साथ दुष्कर्म किया गया। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, एक सीनियर पुलिस अफसर ने बताया कि यह घटना 2 फरवरी को प्रकाश में आई। जब छात्रा के माता-पिता ने स्कूल के प्रिंसिपल को इस घटना की जानकारी दी, तब जाकर एक महीने बाद वारदात का खुलासा हुआ। पुलिस ने जानकारी मिलने ही एक्शन लेना शुरू कर दिया। डीईओ ने मामले में लिया एक्शन सूचना मिलने के बाद, जिला शिक्षा अधिकारी (डीईओ) और चाइल्ड हेल्पलाइन ने शिक्षकों के खिलाफ कार्रवाई शुरू की। चाइल्ड हेल्पलाइन के अफसरों के मुताबिक, पीड़ित के माता-पिता की ओर से दर्ज कराई गई शिकायत के आधार पर, तीन आरोपी शिक्षकों को सस्पेंड कर दिया गया है। इन तीनों शिक्षकों को पोक्सो अधिनियम की अलग-अलग धाराओं के तहत मामला दर्ज कर गिरफ्तार किया गया है।  

बाराबंकी में पुलिस पर बदमाश ने चला दी गोली, मुठभेड़ में तीन बदमाशों के पैर में लगी गोली, 5 गिरफ्तार

बाराबंकी यूपी के बाराबंकी जिले में बीती रात पुलिस और बदमाशों के बीच जबरदस्त मुठभेड़ हुई. इस मुठभेड़ में दोनों तरफ से गोलियां चलीं. इस दौरान पुलिस की गोली से तीन बदमाश घायल हो गए. वहीं, दो को दौड़ाकर पकड़ लिया गया. इस तरह कुल 5 बदमाश पकड़े गए हैं. घटना जिले के अलग-अलग थानों की है. फिलहाल, घायल बदमाशों का जिला अस्पताल में इलाज चल रहा है.    आपको बता दें कि पहली पुलिस मुठभेड़ में कैब ड्राइवर को बंधक बनाकर कार लूट की घटना को अंजाम देने वाले अभियुक्तों को गिरफ्तार किया गया. इन पर 25,000 रुपये का इनाम घोषित था. मामले में पीड़ित उमाशंकर यादव ने बताया कि वो थाना सुशांत गोल्फ सिटी, लखनऊ में रैपिडो टैक्सी में अपनी स्विफ्ट डिजायर कार चलाते हैं.  5 फरवरी की दोपहर को अहिमामऊ चौराहा के पास खड़ा था, तभी एक राइड मिली जिसमें दो व्यक्तियों द्वारा गाड़ी में बैठकर रेलवे स्टेशन बाराबंकी चलने की बात कही गई. लेकिन रास्ते में उन्होंने कार व अन्य समान लूट लिया. जिसके बाद उमाशंकर ने फौरन पुलिस को इनफॉर्म किया तो पुलिस ने घेराबंदी शुरू कर दी. बुधवार रात थाना कोतवाली नगर क्षेत्र के सूत मिल रोड के पास 3 बदमाश मोटरसाइकिल से आते हुए दिखाई दिए. पुलिस टीम द्वारा बदमाशों को रोकने का प्रयास किया गया तो पुलिस टीम को देखकर गिरफ्तारी से बचने हेतु बदमाशों द्वारा पुलिस पर फायरिंग की गई. पुलिस ने भी जवाबी कार्यवाही करते हुए फायरिंग की जिसमें एक बदमाश के पैर में गोली लगने से वह घायल हो गया. घायल/गिरफ्तार अभियुक्त का नाम विजय कुमार रावत को गिरफ्तार कर लिया गया है. वह लखनऊ का रहने वाला है. वहीं, दूसरी घटना थाना बड्डूपुर क्षेत्रान्तर्गत बुजुर्ग दंपति से हुई लूट की घटना से संबंधित है. इस मामले में फरार अभियुक्त को मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार किया गया है. इसके अलावा थाना सतरिख, जैदपुर, सफदरगंज, फतेहपुर क्षेत्रान्तर्गत अनाज के गोदामों से चोरी की घटना करने वाले 3 अभियुक्तों को मुठभेड़ में गिरफ्तार किया गया है. इस बाबत पुलिस अधीक्षक दिनेश सिंह ने बताया कि तीन अलग-अलग मामलों में पुलिस और बदमाशों से मुठभेड़ हुई है, जिसमें तीन बदमाशों के पैर में गोली लगी है. उन्हें अस्पताल में इलाज के लिए भर्ती करवाया गया है. वहीं, 2 गिरफ्तार हुए हैं. तीनों घटनाओं का पुलिस ने खुलासा कर दिया है.  

लखनऊ में 11 साल की मासूम से तीन नाबालिगों ने किया दुष्‍कर्म

लखनऊ  यूपी की राजधानी लखनऊ में 11 वर्षीय लड़की के साथ तीन नाबालिगों ने दुष्‍कर्म किया। अपने साथ हुई ज्‍यादती से जब लड़की रोने लगी तो आरोपियों ने उसे जान से मारने की धमकी दी और उसे चुप रहने को मजबूर कर दिया। यह घटना बीबीडी थाना क्षेत्र के चिनहट इलाके में हुई। लड़की की मां ने 9, 10 और 11 साल के तीन आरोपियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराया है। तीनों को किशोर न्याय बोर्ड के समक्ष पेश किया गया। इंस्पेक्टर अजय नारायण सिंह ने बताया कि तीनों आरोपी लड़की को खेलने के बहाने अपने साथ घर से बाहर ले जाते थे। पीड़ित की मां ने पुलिस को बताया कि पीड़ित लड़की कुछ दिनों से डरी हुई लग रही थी। वह पिछले कुछ दिनों से चुपचाप चल रही थी और उसने हमसे बात नहीं की। बीते 27 जनवरी को वह घर के बाहर खेल रही थी। इस दौरान तीनों आरोपी उसके पास आए तो उनको देखकर वह डर गई। हम उसके इस व्‍यवहार से आशंकित थे। किसी को बताने पर जान से मारने की दी धमकी मां ने जब बेटी से उसके असमान्‍य बर्ताव के बारे में पूछा, तब जाकर उसने बताया कि तीनों आरोपियों उसके साथ गलत और गंदी चीजें कीं। आरोपियों ने उसे खेलने के बहाने पास के स्‍कूल में ले गए और गलत काम किया। किसी को बताने पर जान से मारने की धमकी दी। मां ने तत्‍काल पुलिस से शिकायत की और तीनों लड़कों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कराई।

मुख्यमंत्री ने जेलों में बंदियों की सुरक्षा और सुधार गतिविधियों में तेजी लाने के दिए निर्देश

भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि गरीब बंदियों को जमानत एवं जुर्माना अदा करने के लिए वित्तीय सहायता प्रदान करने में मध्यप्रदेश देश में प्रथम है। इसमें आर्थिक रूप से कमजोर बंदियों को 25 हजार रुपए तक की जुर्माना राशि मंजूर की जाती है। मध्यप्रदेश देश का पहला राज्य है जिसने अबतक 31 बंदियों को जुर्माना एवं जमानत के रूप में 6 लाख 43 लाख 517 रुपए की राशि मंजूर की है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता की धारा 479 के प्रावधानों का पालन करने में भी मध्यप्रदेश देश में अग्रणी राज्य है। इस धारा में यह प्रावधान है कि “जेल अधीक्षक, जेल में निरूद्ध अभियुक्त व्यक्ति के उपबंधित कारावास की आधार या एक-तिहाई अवधि पूर्ण होने पर, ऐसे व्यक्ति को जमानत पर निर्मुक्त करने के लिए संबंधित माननीय न्यायालय को कार्रवाई करने के लिए तुरन्त लिखित में आवेदन करेगा।” इस प्रावधान के तहत प्रदेश के 78 केदियों के प्रकरण न्यायालय की ओर भेजे गाए जिनमें से 46 केदियों के पक्ष में कार्यवाही हुई और वे रिहा कर दिए गए। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने दोनों ही मामलों में प्रदेश के अव्वल रहने पर जेल एवं सुधारात्मक सेवाएं विभाग के अधिकारियों को बधाई दी। मुख्यमंत्री डॉ. यादवबुधवार को समत्व भवन (मुख्यमंत्री निवास) में जेल एवं सुधारात्मक सेवाएं विभाग की समीक्षा बैठक को निर्देशित कर रहे थे। उन्होंने विभागीय अधिकारियों को राज्य की जेलों में बंदियों की सुरक्षा व्यवस्था को और अधिक मजबूत बनाने और उनके बौद्धिक एवं चारित्रिक सुधार की गतिविधियों को गति देने के निर्देश दिए। प्रदेश की सभी जेलों में जारी है ई-प्रिजन व्यवस्था बैठक में बताया गया कि प्रदेश की सभी जेलों में ई-प्रिजन व्यवस्था लागू है। इस व्यवस्था में बंदियों से संबंधित जानकारियों को निरंतर अद्यतन किया जाता है। ई-प्रिजन मैनेजमेंट सिस्टम के जरिए (लीगेसी डाटा के साथ) अबतक कुल 13 लाख 17 हजार 303 आमद दर्ज की जा चुकी है। आईसीजेएस के माध्यम से 1लाख 31 हजार से अधिक बंदियों की जानकारी प्रविष्टि भी की जा चुकी है। बताया गया कि गत 1 जुलाई 2024 से अब तक नवीन आपराधिक कानून के अंतर्गत ई-प्रिजन पर 48 हजार 139 बंदियों की आमद हुई है। जेलों की क्षमता में वृद्धि के प्रयास भी किए जा रहे हैं। 15 नवम्बर को राष्ट्रीय जनजातीय गौरव दिवस पर भी सजा में छूट देकर समय पूर्व रिहाई का प्रस्ताव मान्य बैठक में विभागीय अधिकारियों द्वारा प्रतिवर्ष 15 नवम्बर को राष्ट्रीय जनजातीय गौरव दिवस पर बंदियों को समय पूर्व रिहाई किए जाने का प्रस्ताव रखा गया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने प्रस्ताव को स्वीकृति देते हुए कहा कि अच्छे आचरण वाले बंदियों को इस विशेष दिवस पर विशेष परिहार प्रदान किया जाए। बैठक में मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने खुली जेलों से बंदियों को स्वतंत्रता का अहसास होने का जिक्र कर प्रदेश में खुली जेलों की संख्या बनाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि जेल केवल सजा भुगतने की जगह नहीं, बल्कि सुधार और पुनर्वास का केंद्र भी होनी चाहिए। उन्होंने जेलों में सुधारात्मक गतिविधियों को प्राथमिकता देने की बात कही। उन्होंने बंदियों के लिए कौशल विकास, योग, आध्यात्मिक शिक्षा और काउंसलिंग जैसी योजनाओं को विस्तार देने पर बल दिया। इससे न केवल बंदियों का मानसिक एवं चारित्रिक विकास होगा, बल्कि उनकी समाज में पुनः सकारात्मक रूप से वापसी भी सुनिश्चित होगी। नवाचारों को दें प्रोत्साहन बैठक में मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि जेल सुधार कार्य में समाज की भी भागीदारी होनी चाहिए। उन्होंने जेलों में सामाजिक व धार्मिक संगठनों और विशेषज्ञों की मदद से सुधार कार्यक्रम चलाने की जरूरत बताई। राज्य सरकार बंदियों के सुधार और पुनर्वास के लिए हरसंभव प्रयास करेगी ताकि वे भविष्य में एक सम्मानजनक जीवन जी सकें। बैठक में मुख्य सचिव अनुराग जैन, अपर मुख्य सचिव, मुख्यमंत्री कार्यालय डॉ. राजेश राजौरा, पुलिस महानिदेशक जेल एवं सुधारात्मक सेवाएं जीपी सिंह, प्रमुख सचिव वित्त मनीष रस्तोगी, सचिव जेल एवं सुधारात्मक सेवाएं मनीष सिंह, एडीजी अखेतो सेमा, अतिरिक्त पुलिस महानिरीक्षक संजय पांडे सहित अन्य विभागीय अधिकारी उपस्थित थे। विभागीय अधिकारियों ने विभाग की मौजूदा कार्यप्रणाली, गत एक वर्ष की गतिविधियों, उपलब्धियों और भावी योजनाओं की जानकारी दी।  

जल संरक्षण और किसानों की आय बढ़ाने के लिए संचालित पानी बचाओ अभियान का सकारात्मक असर

रायपुर जल संरक्षण और किसानों की आय बढ़ाने के लिए संचालित पानी बचाओ अभियान का सकारात्मक असर अब बालोद जिले में दिखने लगा है। डौंडी विकासखंड के ग्राम छिंदगांव के आदिवासी कृषक श्रवण कुमार के लिए यह अभियान आर्थिक रूप से अत्यंत लाभकारी सिद्ध हुआ। पूर्व में ग्रीष्मकालीन धान की खेती करने वाले श्रवण कुमार ने जिला प्रशासन और कृषि विभाग के मार्गदर्शन से इस बार अपनी 02 एकड़ भूमि में मक्का की खेती की। इससे उन्हें 88,200 रुपये की शुद्ध आमदनी हुई, जो धान की तुलना में दोगुनी है। किसान श्रवण कुमार ने बताया कि मक्का उत्पादन पर कुल 11,800 रुपये का खर्च आया, जिसमें खाद, बीज और अन्य व्यवस्थाएं शामिल थीं। वहीं, मक्का की बिक्री से 1 लाख रुपये की आमदनी हुई, जिससे उन्हें 88,200 रुपये का शुद्ध लाभ प्राप्त हुआ। इसके विपरीत, गर्मी के मौसम में धान की खेती में ज्यादा लागत और पानी अधिक लगता है और उसकी तुलना में लाभ कम होता है। मक्के की खेती से न केवल उनकी आय में वृद्धि हुई, बल्कि पानी की खपत भी अत्यंत कम रही, जिससे भूजल संरक्षण में भी मदद मिली। इसके अलावा, मक्के के अवशेष खेतों में सड़ाने से मिट्टी की उर्वरता में सुधार हुआ, जिससे खरीफ सीजन में धान का उत्पादन प्रति एकड़ 3-4 क्विंटल बढ़ गया। इस सफलता से प्रेरित होकर श्रवण कुमार ने इस वर्ष भी रबी सीजन में मक्का की खेती करने का निर्णय लिया है। किसान श्रवण कुमार ने जिला प्रशासन के मार्गदर्शन में संचालित पानी बचाओ अभियान की सराहना करते हुए कहा कि प्रशासन की प्रेरणा से वे धान के स्थान पर अन्य फसलों की खेती के लिए प्रेरित हुए हैं, जिसका लाभ भी मिला है। उन्होंने कहा कि इससे न केवल किसानों की आर्थिक स्थिति होगी, बल्कि जल संरक्षण और पर्यावरण संरक्षण को भी बढ़ावा मिलेगा।

औचक निरीक्षण के लिये सात जिलों का चयन रेंडम आधार पर किया गया

भोपाल लोक निर्माण मंत्री राकेश सिंह के निर्देश पर 5 फरवरी को लोक निर्माण विभाग के सातों परिक्षेत्रों के एक-एक जिले में मुख्य अभियंताओं के दलों ने औचक निरीक्षण किया। इन औचक निरीक्षणों की खास बात यह रही कि दो दिन पहले तक किसी को यह नहीं पता था कि कौन सा निरीक्षण दल किस जिले में किन निर्माण कार्यों का निरीक्षण करने वाला है। औचक निरीक्षण के लिये सात जिलों का चयन रेंडम आधार पर किया गया, जिसमें भोपाल परिक्षेत्र से भोपाल, ग्वालियर परिक्षेत्र से ग्वालियर, जबलपुर परिक्षेत्र से कटनी, इंदौर परिक्षेत्र से धार, रीवा परिक्षेत्र से शहडोल, उज्जैन परिक्षेत्र से रतलाम एवं सागर परिक्षेत्र से पन्ना जिला शामिल था। सभी सात जिलों में 5-5 निर्माण कार्यों को औचक निरीक्षण हेतु सॉफ्टवेयर के माध्यम से चिन्हित किया गया, जिनमें से तीन कार्य निर्माणाधीन स्तर पर थे एवं दो कार्य परफॉर्मेंस गारंटी वाले थे। इन 5 निर्माण कार्यों में से एक कार्य भवन निर्माण का था। मंत्री सिंह के निर्देश पर लोक निर्माण विभाग ने इन औचक निरीक्षणों के लिए एक विशेष सॉफ्टवेयर तैयार किया है। इस सॉफ्टवेयर से सबसे पहले रेंडम आधार पर मुख्य अभियंताओं के दल निर्मित किए गए और रेंडम आधार पर इन्हें एक-एक जिले का आवंटन किया गया। यह कार्यवाही दो दिन पहले की गई जिससे मुख्य अभियंताओं के दल अपनी यात्रा एवं परिवहन की तैयारी कर सकें। औचक निरीक्षण के एक दिन पहले इन दलों को रेंडम आधार पर चयनित पांच-पांच निर्माण कार्यों की सूची प्रदान की गई। सड़क निर्माण कार्यों में सामग्री के नमूने लेने के लिए रेंडम चैनेज भी सॉफ्टवेयर से ही जनरेट की गई। प्रदेश के सात जिलो में चयनित 35 कार्यो में से 21 कार्य पी.डब्ल्यू.डी. सड़क एवं पुल के थे, 06 कार्य भवन निर्माण के थे, 6 कार्य म.प्र. सड़क विकास निगम, 01 कार्य म.प्र. भवन विकास निगम एवं 01 कार्य राष्ट्रीय राजमार्ग का शामिल किया गया। मंत्री सिंह के निर्देशानुसार सभी निरीक्षण दलों को उसी दिन अपनी निरीक्षण रिपोर्ट तैयार कर सीधे सॉफ्टवेयर पर अपलोड करनी है। इन रिपोर्ट्स की समीक्षा दूसरे दिन यानी 6 फरवरी 2025 को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग पर की जाएगी। निरीक्षण के दौरान लिए गए सैंपल्स की लैब रिपोर्ट भी 3 दिन के अंदर प्राप्त कर सीधे सॉफ्टवेयर पर ही अपलोड की जाएगी। निरीक्षण के दौरान निर्माण कार्यों की जियो टैग्ड फोटो लेकर इन्हें भी सॉफ्टवेयर पर रिपोर्ट के साथ अपलोड करना अनिवार्य था जिससे निर्माण की गुणवत्ता और निरीक्षण कार्यवाही को प्रामाणिक रूप से प्रस्तुत किया जा सके। लोक निर्माण विभाग में इस तरह की कार्रवाई पहली बार हुई है। मंत्री सिंह के निर्देशानुसार इस तरह के औचक निरीक्षण हर महीने की पांच और 20 तारीख को किया जाना है। निरीक्षण हेतु दलों का, जिलों का, निर्माण कार्यों का और सामग्री के सैंपल लेने हेतु स्थानो का चयन सॉफ्टवेयर के माध्यम से रेंडम आधार पर किया जाएगा। भोपाल जिले में एमपीआरडीसी से महाप्रबंधक पवन अरोडा और जबलपुर परिक्षेत्र के मुख्य अभियंता भवन आर.के. अहिरवार के दल ने गांधी चिकित्सालय परिसर में नर्सिंग कॉलेज छात्रावास भवन, भोपाल देवास चार लेन मार्ग, बरखेडी कुशलपुरा मार्ग, समसपुर से खारी मार्ग और अचारपुरा इंडस्ट्रियल एरिया के एप्रोच मार्ग का निरीक्षण किया। अन्य जिलों में निरीक्षण किये गये महत्वपूर्ण निर्माण कार्य इस प्रकार है। कटनी में ढीमरखेड़ा शासकीय महाविद्यालय का निर्माण कार्य। कटनी मेंहटा-पटैरा-कुम्हारी-रैपुरा-सुलैया-बहोरीबद-सिहोरा मार्ग। ग्वालियर में शासकीय महाविद्यालय चीनौर का भवन निर्माण। ग्वालियर में पटेल का पुरा गुरी बंजारों का पुरा। धार में उषापुरा-सिंकदरी-मोहमदपुरा-रोले-कालासुरा-मेटमा रोड़। धार सुंदरई से रामपुरा रोड़ निर्माण। शहडोल में उमरिया शहडोल मार्ग। शहडोल में जनकपुर से दर्गापुर मार्ग। रतलाम में हाई स्कूल भवन कसारी का निर्माण। रतलाम में जाबरा-पिपलोदा रोड़ से पंचेवा सुखेड़ा रोड़। पन्ना से पवई मोहन्द्रा रोड़। पन्ना में पवई बायपास।

ईमानदारी की मिसाल, खोया मोबाइल यात्री को लौटाया

भोपाल भोपाल रेलवे स्टेशन पर रेलवे कर्मचारियों की यात्री सेवा और ईमानदारी का एक सराहनीय उदाहरण सामने आया।ग्वालियर से भोपाल आ रहे यात्री श्री नितेश मंगरिया का कीमती एंड्रॉयड मोबाइल फोन ट्रेन संख्या 12648 कोंगु सुपरफास्ट एक्सप्रेस से उतरते समय प्लेटफॉर्म नंबर 1 पर गिर गया, जिसकी उन्हें जानकारी नहीं थी। फोन को वाणिज्य बुकिंग क्लर्क श्रीमती अंकिता पटेल ने देखा और ईमानदारी दिखाते हुए इसे उप स्टेशन प्रबंधक (वाणिज्य) श्री अशोक नागर के सुपुर्द कर दिया। कुछ समय बाद जब यात्री के परिजनों का फोन उसी मोबाइल पर आया, तो श्री अशोक नागर ने उन्हें मोबाइल सुरक्षित होने की जानकारी दी। बाद में जब श्री नितेश मंगरिया भोपाल स्टेशन पर पहुंचे, तो उन्होंने रेलवे प्रशासन और कर्मचारियों के प्रति आभार व्यक्त किया। रेल प्रशासन यात्रियों से अपील करता है कि वे यात्रा के दौरान अपने सामान का विशेष ध्यान रखें और किसी भी असुविधा की स्थिति में रेलवे हेल्पलाइन 139 पर संपर्क करें।

हल्बी या गोंडी बोली में लिखा जाएगा संग्रहालय का नाम, प्रमुख सचिव श्री सोनमणि बोरा ने किया निरीक्षण, कार्य में तेजी लाने के दिए निर्देश

रायपुर छत्तीसगढ़ के प्रथम स्वतंत्रता संग्राम सेनानी शहीद वीर नारायण की स्मृति में नवा रायपुर में पुरखौती मुक्तांगन के समीप निर्माणाधीन जनजातीय संग्रहालय का 70 प्रतिशत कार्य पूरा हो चुका है। इस संग्रहालय में अंग्रेजी हुकुमत के दौरान हुए जनजातीय विद्रोहों की झांकी का निर्माण किया जा रहा है। आदिम जाति, अनुसूचित जाति तथा पिछड़ा वर्ग विभाग के प्रमुख सचिव श्री सोनमणि बोरा ने निर्माणाधीन संग्रहालय का आज निरीक्षण किया और संग्रहालय निर्माण की धीमी गति पर अप्रसन्नता व्यक्त की। उन्होंने संग्रहालय के शेष कार्य गुणवत्ता के साथ जल्द पूरा करने के निर्देश दिए। उन्होंने अधिकारियों, ठेकेदारों और क्यूरेटर का एक दल बनाकर एक-एक गैलेरी का कार्य उत्कृष्ट गुणवत्ता के साथ शीघ्र पूर्ण कराने के निर्देश दिए। प्रमुख सचिव श्री बोरा ने कहा कि संग्रहालय के आस-पास जल जमाव की स्थिति निर्मित न हो, इस पर विशेष रूप से ध्यान रखा जाए। उन्होंने मुख्यद्वार के पास वाटर फॉउटेन भी लगाने के निर्देश दिए। उन्होंने संग्रहालय का नाम हल्बी एवं गोंडी बोली में भी अंकित करने के निर्देश दिए। उन्होंने संग्रहालय के भीतर लगने वाली दुकानों को ट्राइफेड को दिए जाने के संबंध में कार्यवाही पूर्ण करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि संग्रहालय परिसर सौर ऊर्जा से उत्पन्न विद्युत से जगमगा सके, इसे ध्यान में रखते हुए सोलर प्लांट स्थापना की जाए। इस अवसर पर आदिम जाति विकास विभाग के आयुक्त श्री पदुम सिंह ऐल्मा सहित विभाग के अन्य वरिष्ठ अधिकारीगण उपस्थित थे।

कुंभ नहा के आ रहे हैं श्रद्धालुओं का वाहन ट्रांसफार्मर से टकराई 12 गंभीर

सिंगरौली जिले के कोतवाली थाना क्षेत्र अंतर्गत नौगढ़ मुख्य मार्ग पर बीते रात्रि को हुआ भीषण सड़क हादसा प्रयागराज से कुंभ नहा कर गामा वाहन नौगढ़ में अनियंत्रित होकर ऑटो में टक्कर मारी जिसके बाद सड़क किनारे लगे ट्रांसफार्मर में जोरदार टक्कर हो गई बताया जा रहा है कि गामा वाहन में 20 की संख्या में लोग बैठे थे जिसमें 12 लोग गंभीर रूप से घायल हुए हैं जिन्हें एंबुलेंस की मदद से जिला अस्पताल भेज कर भर्ती कराया गया है जहां उनका उपचार शुरू कर दिया गया है।

मुख्यमंत्री की जन्म तिथि वाली 21 नंबर जर्सी भेंट कर किया आमंत्रित

रायपुर मुख्यमंत्री विष्णु देव साय से आज यहां उनके निवास कार्यालय में लीजेन्ड 90 क्रिकेट लीग को लेकर आयोजन समिति के सदस्यों ने सौजन्य भेंट की और उन्हें प्रतियोगिता में आमंत्रित किया। नवा रायपुर के शहीद वीर नारायण सिंह अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट स्टेडियम में 6 फरवरी से 18 फरवरी तक लीजेन्ड 90 क्रिकेट लीग का आयोजन होगा। इस अवसर पर लीजेन्ड 90 के मुख्य कार्यकारी अधिकारी तरुणेश सिंह परिहार ने मुख्यमंत्री साय को छत्तीसगढ़ वॉरियर्स टीम की 21 नंबर की विशेष जर्सी भेंट की। गौरतलब है कि मुख्यमंत्री साय की जन्म तिथि 21 फरवरी है, इसको ध्यान में रखते हुए छत्तीसगढ़ वॉरियर्स टीम 21 नंबर की यह विशेष जर्सी भेंट की गई है। लीजेन्ड 90 क्रिकेट लीग का आयोजन इस वर्ष भारत में पहली बार किया जा रहा है। 06 फरवरी से 18 फरवरी 2025 तक शहीद वीर नारायण सिंह अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट स्टेडियम, रायपुर में यह टूर्नामेंट खेला जाएगा। यह लीग अंतरराष्ट्रीय स्तर की प्रतिष्ठित प्रतियोगिता है, जिसका आयोजन पूर्व में श्रीलंका सहित विभिन्न देशों में हो चुका है। इस भव्य प्रतियोगिता में क्रिस गेल, डेविड वॉर्नर, हरभजन सिंह, शिखर धवन, युवराज सिंह, सुरेश रैना, मैथ्यू वेड, मोइन अली, आरोन फिंच, तिसारा परेरा, रॉबिन उथप्पा, दिनेश कार्तिक, शॉन मार्श, मार्टिन गप्टिल, केदार जाधव, बेन डंक, शाकिब अल हसन और डेनियल क्रिश्चियन जैसे राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर के दिग्गज खिलाड़ी शामिल हो रहे हैं। मुख्यमंत्री से मुलाकात के दौरान लीजेन्ड 90 के सीईओ तरुणेश सिंह परिहार ने प्रतियोगिता की विस्तृत जानकारी दी और छत्तीसगढ़ में इस ऐतिहासिक आयोजन के महत्व को रेखांकित किया। इस अवसर पर बलविंदर सिंह, राहुल भदौरिया (संचालक स्पोर्ट्स मिंट), सदन घोष (संचालक यारों), गौरव बत्रा और राजीव सोनी भी उपस्थित रहे। इस अंतरराष्ट्रीय लीग के आयोजन से छत्तीसगढ़ के क्रिकेट प्रेमियों को दुनिया के शीर्ष क्रिकेटरों को अपने प्रदेश में खेलते देखने का शानदार अवसर मिलेगा। साथ ही, यह आयोजन राज्य में क्रिकेट के विकास को भी नई दिशा प्रदान करेगा। मुख्यमंत्री की क्रिकेट प्रेमियों से अपील मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने क्रिकेट प्रेमियों से लीजेंड 90 क्रिकेट लीग के आयोजन में पहुंचकर खिलाड़ियों का उत्साहवर्धन करने की अपील की है। रायपुर में आयोजित इस अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट लीग में देश-विदेश के नामचीन क्रिकेट खिलाड़ी हिस्सा लेने जा रहे हैं। मुख्यमंत्री ने कहा है कि छत्तीसगढ़ सरकार ने राज्य में खेल अधोसंरचना को बेहतर करने के लिए अनेक निर्णय लिए हैं। ओलंपिक पदक विजेताओं को पुरस्कृत करने का निर्णय लिया है। बस्तर में हमने बस्तर ओलंपिक का आयोजन किया, जिसमें एक लाख 65 हजार लोगों ने हिस्सा लिया। छत्तीसगढ़ में क्रिकेट संबंधी अधोसंरचना को बढ़ाने के लिए भी हम प्रतिबद्ध हैं।  शहीद वीर नारायण सिंह इंटरनेशनल क्रिकेट स्टेडियम में भविष्य में भी क्रिकेट के रोमांचक मैच लगातार देखने मिलेंगे।

“यंग लीडर डायलॉग-2025” में सहभागिता करने वाले विद्यार्थियों का भी हुआ सम्मान

उच्च शिक्षा मंत्री ने “गणतंत्र दिवस परेड -2025” में सम्मिलित “मप्र राष्ट्रीय सेवा योजना” के स्वयंसेवकों को किया सम्मानित “राष्ट्रीय सेवा योजना” से मिली जीवन दृष्टि को आत्मसात् करें विद्यार्थी : मंत्री परमार “यंग लीडर डायलॉग-2025” में सहभागिता करने वाले विद्यार्थियों का भी हुआ सम्मान भोपाल उच्च शिक्षा, तकनीकी शिक्षा एवं आयुष मंत्री इन्दर सिंह परमार ने बुधवार को भोपाल स्थित निवास पर, “गणतंत्र दिवस परेड -2025” कर्तव्यपथ नई दिल्ली में “राष्ट्रीय परेड दल” में सम्मिलित “मप्र राष्ट्रीय सेवा योजना” के स्वयंसेवकों को सम्मानित कर, उज्जवल भविष्य की शुभकामनाएं दीं। मंत्री परमार ने श्रद्धेय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी से “यंग लीडर डायलॉग” में संवाद कर “2047 के भारत की परिकल्पना” के संदर्भ में अपनी ऊर्जामयी सहभागिता करने वाले “मप्र राष्ट्रीय सेवा योजना” के स्वयंसेवकों का भी सम्मान किया और उनके उज्जवल भविष्य की शुभकामनाएं दीं। परमार ने सभी स्वयंसेवकों को महामहिम राज्यपाल द्वारा दिए गए प्रमाण पत्र, मेडल एवं शॉल-श्रीफल से भी सम्मानित किया। राष्ट्रीय परेड से लौटे स्वयंसेवक विद्यार्थियों ने मंत्री परमार को विभिन्न छायाचित्रों का अवलोकन कराया एवं शिविर के दौरान अपने अनुभवों को भी साझा किया। उच्च शिक्षा मंत्री परमार ने स्वयंसेवकों को कैंपस टू कम्युनिटी के अंतर्गत विभिन्न गतिविधियों में नेतृत्व करने का आह्वान किया। परमार ने कहा कि प्रदेश में “राष्ट्रीय सेवा योजना” की विविध गतिविधियों को परीक्षाओं के मूल्यांकन में वेटेज देने के लिए “क्रेडिट सिस्टम” विकसित करने की कार्ययोजना बना रहे हैं, इससे विद्यार्थियों को शैक्षणिक के अतिरिक्त अन्य गतिविधियों के लिए भी वेटेज मिल सकेगा। राज्य स्तर नेतृत्व शिविर के प्रशिक्षण गतिविधियों को महत्वपूर्ण मानते हुए मंत्री परमार ने कहा कि प्रशिक्षण के अन्य आयामों को प्रारम्भ करने की भी कार्ययोजना बनाएंगे। मंत्री परमार ने गणतंत्र दिवस की राष्ट्रीय परेड से लौटे स्वयंसेवक विद्यार्थियों को, अपने संस्था परिसर में सामाजिक मूल्यों का नेतृत्व करने के लिए प्रेरित किया और अन्य युवा साथियों को भी इस तरह की गतिविधियों के लिए प्रेरित करने की बात कही। परमार ने कहा कि “राष्ट्रीय सेवा योजना” के विभिन्न आयामों से प्राप्त जीवन दृष्टि को विद्यार्थी अपने व्यावहारिक जीवन में आत्मसात् करें और देशभक्त नागरिक बन राष्ट्र निर्माण में अपनी सहभागिता सुनिश्चित करें। परमार ने कहा कि स्वतंत्रता के शताब्दी वर्ष 2047 के भारत की संकल्पना को साकार करने में हम सभी का पुरुषार्थ और सहभागिता आवश्यक है। परमार ने कहा कि शिविर के दौरान मिले अनुभवों, अनुशासन और सीखों को दैनिक जीवनचर्या में अमल कर, अपने संस्थान परिवेश को बेहतर बनाने की ओर आगे बढ़ें। परमार ने कहा कि “राष्ट्रीय सेवा योजना” की समाज में व्यापक विश्वसनीयता स्थापित करने के लिए, मूल्य आधारित जीवनचर्या को धारण करें। शिक्षा के मंदिरों को आदर्श बनाने में, “राष्ट्रीय सेवा योजना” के स्वयंसेवकों को भूमिका सुनिश्चित हों। सभी स्वयंसेवक विद्यार्थी, अपने संस्थानों में विद्यावन अंतर्गत पौधरोपण कर युवाओं में प्रकृति संरक्षण का भाव जागृत करने का प्रयास करें। इस अवसर पर राष्ट्रीय सेवा योजना के क्षेत्रीय निदेशक डॉ अशोक कुमार श्रुति, राज्य एनएसएस अधिकारी डॉ मनोज अग्निहोत्री, कार्यक्रम समन्वयक डॉ अनंत कुमार सक्सेना, प्रशिक्षक एवं कार्यक्रम अधिकारी राहुल सिंह परिहार, कार्यक्रम अधिकारी डॉ अर्चना सेन एवं युवा अधिकारी राजकुमार वर्मा उपस्थित थे। ज्ञातव्य है कि “गणतंत्र दिवस परेड -2025” कर्तव्यपथ नई दिल्ली में “राष्ट्रीय परेड दल” में सम्मिलित “मप्र राष्ट्रीय सेवा योजना” के चार-चार स्वयंसेवक छात्र-छात्राओं ने महामहिम राष्ट्रपति को सलामी दी थीं। संस्था स्तर से विभिन्न चरणों के चयन के बाद, इन सभी स्वयंसेवकों का चयन हुआ था। इन स्वयंसेवकों ने महामहिम राष्ट्रपति श्रीमति द्रोपदी मुर्मू से सांस्कृतिक गतिविधियों के माध्यम से मध्यप्रदेश की सांस्कृतिक विरासत का परिचय भी कराया। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से यंग लीडर डायलॉग में संवाद कर 2047 के भारत की परिकल्पना के विषयों को भी प्रदेश के स्वयंसेवकों ने इंगित किया। “गणतंत्र दिवस परेड -2025” कर्तव्यपथ नई दिल्ली में “राष्ट्रीय परेड दल” में स्वयंसेवक सुसंध्या यादव, सुविशाखा सेन, सुप्राची झारिया, सुअंशिका जोशी, अजय सिंह परिहार, निरंजन बिसेन, अतुल सेन एवं सचिन पटेल सम्मिलित हुए। “यंग लीडर डायलॉग-2025” में राष्ट्रीय सेवा योजना के स्वयंसेवकों राहुल लोधी एवं विपिन सेन ने सहभागिता की।  

आचार्य विद्यासागर के प्रथम समाधि स्मृति दिवस विधानसभा परिसर में मनाया गया

भोपाल भोपाल में विधानसभा परिसर में पहली बार किसी जैन संत का स्मृति दिवस मनाया जा रहा है। आचार्य विद्यासागर महाराज के स्मृति दिवस पर मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव रहे। सीएम ने मंच पर बैठे मुनि प्रमाण सागर जी महाराज का पाद प्रक्षालन (पैर धोए) किया। कार्यक्रम में आचार्य विद्यासागर महाराज के जीवन पर आधारित 25 किताबों का विमोचन किया गया। जैन समाज के अध्यक्ष ने भोपाल के रानी कमलापति रेलवे स्टेशन का नाम आचार्य विद्यासागर के नाम पर करने की मांग की है। दिगंबर जैन मंदिर से शोभायात्रा निकाली गई। यात्रा रोशनपुरा चौराहा, मालवीय नगर, बिरला मंदिर होते हुए विधानसभा पहुंची। कार्यक्रम में विधानसभा अध्यक्ष नरेंद्र सिंह तोमर और सांसद आलोक शर्मा भी मौजूद हैं। पूर्व सीएम दिग्विजय सिंह और पूर्व मंत्री पीसी शर्मा भी पहुंचे। सीएम बोले- आचार्य विद्यासागर देवता के रूप में विद्यमान हो गए कार्यक्रम के दौरान सीएम मोहन यादव ने कहा, आचार्य विद्यासागर महाराज के भीतर जो मानव सेवा का भाव रहा है उसके चलते वो जीते जी देवता के रूप में हम सब के बीच विद्यमान हो गए। सीएम यादव ने गोमाता का जिक्र करते हुए कहा कि गोमाता के माध्यम से पूरी प्रकृति बदल सकती है। हम सबके जीवन में पूरा बदलाव आ सकता है। गोमाता के भीतर वह भाव है जो अपने बच्चों का ख्याल रखती है और मनुष्य के बच्चों का भी ख्याल रखती है। जैन मुनियों ने निकाली शोभायात्रा विधानसभा में यह आयोजन श्री दिगम्बर जैन पंचायत कमेटी भोपाल के माध्यम से प्रथम समाधि स्मृति दिवस विधानसभा परिसर में मनाया जा रहा है। विधानसभा में 108 प्रमाण सागर महाराज, मुनि आदित्य सागर के ससंघ में मनाया जा रहा है। विधानसभा के लिए मुनि आदित्य सागर महाराज सुबह 7.30 बजे पैदल शोभायात्रा निकालते हुए विधान सभा परिसर के लिए रवाना हुए है। केन्द्र सरकार जारी करेगी सिक्का आपको बता दें कि केंद्र सरकार ने जैनाचार्य विद्यासागर महाराज के प्रथम समाधि दिवस के मौके पर 100 रुपये मूल्य का स्मारक सिक्का जारी किया करने का निर्णय लिया था। सिक्का जारी होने की अधिसूचना 31 जनवरी को जारी की गई थी। इस 100 रूपये मूल्य के सिक्के में जैनाचार्य विद्यासागर महामुनिराज की तस्वीर को अंकित किया गया है। आज 6 फरवरी को गृहमंत्री अमित शाह विद्यासागर के प्रथम समाधि दिवस के पर सिक्का जारी करेंगे। डोंगरगढ़ जांएगे अमित शाह देश के गृहमंत्री अमित शाह आज डोंगरगढ़ जाएंगे। जहां वे चंद्र गिरी तीर्थ में विद्यासागर महाराज की समाधि स्थल के दर्शन करेंगे। इस दौरान अमित शाह 100 रूपये का सिक्का भी जारी कर सकते है। बता दें कि 18 फरवरी 2024 को आचार्य विद्यासागर महाराज ने डोंगरगढ़ स्थित चंद्रगिरी तीर्थ में समाधि ली थी।

देश के हृदय में ‘एकात्मता के रूप में की मूर्ति’ की स्थापना गर्व का विषय

“आदि शंकराचार्य ने भारत को अद्वैत ज्ञान से प्रकाशित किया” : पद्मविभूषण रविशंकर आज अद्वैत ज्ञान को वैज्ञानिक भी कर रहे स्वीकार : पद्मविभूषण रविशंकर देश के हृदय में ‘एकात्मता के रूप में की मूर्ति’ की स्थापना गर्व का विषय महाकुम्भ में ‘एकात्म धाम मंडपम्’ पहुँचे रविशंकर, अद्वैत लोक‘ प्रदर्शनी का किया अवलोकन भोपाल प्रयागराज महाकुम्भ में आचार्य शंकर सांस्कृतिक एकता न्यास, संस्कृति विभाग मध्यप्रदेश शासन द्वारा अद्वैत वेदान्त दर्शन के लोकव्यापीकरण एवं सार्वभौमिक एकात्मता की संकल्पना के उद्देश्य से एकात्म धाम मंडपम् में वेदांत पर केंद्रित विभिन्न गतिविधियों का आयोजन किया जा रहा है, इसी श्रृंखला में बुधवार को आर्ट ऑफ़ लिविंग संस्थान के संस्थापक, वैश्विक आध्यात्मिक विचारक पद्मविभूषण रविशंकर एकात्म धाम पहुँचे,जहाँ उन्होंने आचार्य शंकर एवं अद्वैत वेदांत पर केंद्रित प्रदर्शनी का अवलोकन करते हुए ‘अद्वैत एवं शांति‘ विषय पर अपने विचार व्यक्त किये।  अपने संबोधन में भारत के सांस्कृतिक और आध्यात्मिक उत्थान में आदि शंकराचार्य के योगदान को रेखांकित करते हुए कहा, “आदि शंकराचार्य ने भारत को अद्वैत ज्ञान से प्रकाशित किया।” रविशंकर ने मध्यप्रदेश सरकार के इस पहल की सराहना करते हुए कहा कि देश के हृदय में एकात्मता की प्रतिमा के स्वरूप की स्थापना गर्व का विषय है। उन्होंने कहा कि वर्तमान में अद्वैत ज्ञान को वैज्ञानिक भी मान रहे हैं। आदि शंकराचार्य जी ने कहा कि “जगत मिथ्या,” यानी जो दिखता है, वह सत्य नहीं है- इसी बात को वर्ष- 2022 में वैज्ञानिकों ने प्रमाणित किया। इस पर तीन वैज्ञानिकों को नोबेल पुरस्कार भी मिला। उन्होंने यही कहा कि “जो दिखता है, वह सत्य नहीं है और जो सत्य है, वह इन आँखों से नहीं दिखता।” इस सत्य को समझने और जानने के लिए हमें अंतर्मुखी होना आवश्यक है। इसके लिए आदि शंकराचार्य ने सौंदर्य लहरी जैसे ग्रंथ की रचना की। रविशंकर ने कहा कि अध्ययन, अध्यापन और ध्यान करना जीवन के लिए अनिवार्य है। केवल बुद्धिगत ज्ञान पर्याप्त नहीं है; अनुभव आधारित ज्ञान होना चाहिए। मन, बुद्धि और अहंकार से परे जाकर चैतन्य स्वरूप की अनुभूति ही वास्तविक आत्मज्ञान है। जब हम इस चैतन्य स्वरूप की अनुभूति तक पहुंचेंगे, तभी आदि शंकराचार्य का स्वप्न पूर्ण होगा। उन्होंने प्रसन्नता व्यक्त करते हुए कहा कि जो कार्य आदि शंकराचार्य की जन्मभूमि पर केरल सरकार ने नहीं किया वह वह कार्य मध्यप्रदेश की सरकार ने किया। अद्वैतामृत प्रवचन में चिन्मय मिशन कोयम्बटूर की प्रमुख स्वामिनी विमलानंद सरस्वती ने आचार्य शंकर विरचित प्रकरण ग्रंथ मनीषा पंचकम् पर दूसरे दिन युवाओं को सम्बोधित किया। शाम के सत्र में परमार्थ साधक संघ के आचार्य स्वामी प्रणव चैतन्य पुरी ने “अथातो ब्रह्म जिज्ञासा“ पर श्रोताओं को सम्बोधित किया।   बुधवार और गुरूवार दो दिनों तक शाम 6 बजे से प्रसिद्ध अभिनेता नीतिश भारद्वाज एवं कोरियोग्राफर मैत्रेयी पहाड़ी ‘शंकर गाथा’ की प्रस्तुति देंगी।  आचार्य शंकर ने भारतवर्ष का भ्रमण कर सम्पूर्ण राष्ट्र को सार्वभौमिक एकात्मता से आलोकित किया। अद्वैत वेदान्त दर्शन के शिरोमणि, सनातन वैदिक धर्म के पुनरुद्धारक एवं सांस्कृतिक एकता के देवदूत शंकर भगवत्पाद का जीवन-दर्शन अनंत वर्षों तक संपूर्ण विश्व का पाथेय बने, इस संकल्प के साथ आचार्य शंकर सांस्कृतिक एकता न्यास, मध्यप्रदेश शासन, संस्कृति विभाग आचार्य शंकर की संन्यास एवं ज्ञान भूमि ‘ओंकारेश्वर’ में भव्य एवं दिव्य ‘एकात्म धाम’ के निर्माण के लिए संकल्पित है। एकात्मधाम प्रकल्प के अंतर्गत आचार्य शंकर की 108 फीट ऊँची बहुधातु ‘एकात्मता की मूर्ति’ आचार्य शंकर के जीवन तथा दर्शन पर आधारित संग्रहालय ‘अद्वैत लोक’ एवं अद्वैत वेदान्त दर्शन के अध्ययन, शोध एवं विस्तार हेतु ‘आचार्य शंकर अंतरराष्ट्रीय अद्वैत वेदान्त संस्थान’ की स्थापना करते हुए एकात्मता के वैश्विक केन्द्र के रूप में विकसित किया जा रहा है।  

मुख्यमंत्री की अध्यक्षता में प्रतिष्ठान की प्रबंधकारिणी समिति की बैठक में विकास कार्यों पर हुआ विचार-विमर्श

भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने बुधवार को मानस भवन में तुलसी मानस प्रतिष्ठान की प्रबंधकारिणी समिति की बैठक की अध्यक्षता की। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने इस प्रतिष्ठान की गतिविधियों को और अधिक विस्तारित करने का सुझाव दिया और संबंधितों को इस पर अमल करने के निर्देश दिए। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि प्रतिष्ठान से रामायण, तुलसी साहित्य और भारतीय संस्कृति के प्रचार-प्रसार को बढ़ावा दिया जाए। उन्होंने युवाओं और विद्वानों को जोड़ने के लिए चित्रकूट जैसे धार्मिक स्थल पर विशेष कार्यक्रम आयोजित करने पर जोर दिया। बैठक में प्रबंधकारिणी समिति के कार्याध्यक्ष रघुनंदन शर्मा, संयोजक राजेन्द्र शर्मा, कोषाध्यक्ष विजय अग्रवाल, वरिष्ठ सदस्य सुरेश पचौरी एवं कैलाश जोशी, समिति सदस्य एवं कलेक्टर भोपाल कौशलेंद्र विक्रम सिंह सहित समिति के अन्य वरिष्ठ पदाधिकारी और सदस्य उपस्थित थे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने प्रतिष्ठान की आगामी योजनाओं पर चर्चा करते हुए कहा कि समाज के विभिन्न वर्गों को इस पहल से जोड़ा जाए, जिससे आध्यात्मिक और सांस्कृतिक चेतना को मजबूती मिले। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि ऑनलाइन माध्यमों से भी रामायण और तुलसी साहित्य को अधिक लोगों तक पहुंचाये। उन्होंने आगामी आयोजनों की रूपरेखा तैयार करने और इनसे जनसामान्य को जोड़ने के लिए कार्य योजना बनाने के निर्देश दिए। प्रतिष्ठान की गतिविधियों को और प्रभावी बनाने के लिए सुझावों पर बैठक में गहनता से विचार-विमर्श किया गया। कार्याध्यक्ष शर्मा ने मानस भवन के सामने न रोड का चौड़ीकरण किये जाने और मानस भवन, हिंदी भवन और गांधी भवन के बीच अवैध निर्माण हटवाने का आग्रह किया। मुख्यमंत्री डॉ यादव ने कलेक्टर भोपाल को आवश्यक कार्रवाई करने के निर्देश दिए। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने समिति को अवगत कराया कि सरकार प्रदेश में शराबबंदी पर गंभीरता से विचार कर रही है। गीता के ज्ञान और हमारी संस्कृति के प्रचार-प्रसार के लिए प्रदेश में ‘गीता भवन’ बनाने जा रहे हैं। मुख्यमंत्री डॉ. ने बताया कि हमारी सरकार पुण्यभूमि हरिद्वार जैसे प्रबंध अब महाकाल नगरी उज्जैन में भी कराने की ओर अग्रसर है। साधु-संतों, अखाड़ों और धर्मशालाओं को उज्जैन के सिंहस्थ मेला क्षेत्र में स्थायी प्रकृति के निर्माण कार्यों की अनुमति दी गई है। इससे स्थायी आश्रम, मठ, धर्मशालाएं, सत्संग स्थल बनाये जा सकेंगे। कलेक्टर ने समिति को अवगत कराया कि भोपाल में भी स्मार्ट सिटी रोड पर टीटी नगर के पास करीब एक एकड़ भूमि में गीता भवन बनाया जायेगा। समिति सदस्यों ने प्रतिष्ठान के विकास संबंधी विभिन्न विषयों/कार्यों के संबंध में मुख्यमंत्री का ध्यान आकृष्ट कराया। मुख्यमंत्री ने सभी विषयों/सुझावों पर गंभीरता से विचार कर शीघ्र क्रियान्वयन का आश्वासन दिया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने तुलसी मानस प्रतिष्ठान की मासिक मुख पत्रिका “तुलसी मानस भारती’’ का विमोचन भी किया।  

वैश्विक क्षमता केंद्रों के लिए भारत का उभरता शक्ति केंद्र बन रहा है मध्यप्रदेश

भोपाल केंद्रीय बजट 2025 में निवेश, नवाचार और प्रतिभा विकास को आर्थिक वृद्धि के प्रमुख कारकों के रूप में प्रस्तुत किया गया है। इसी दृष्टिकोण के अनुरूप, मध्यप्रदेश जीसीसी नीति 2025 वैश्विक क्षमता केंद्रों (जीसीसीएस) के लिए एक सशक्त पारिस्थितिकी तंत्र विकसित कर रहा है। सरकार टियर-2 शहरों में जीसीसीएस को बढ़ावा देने के लिए एक राष्ट्रीय ढांचा विकसित करेगी। मध्यप्रदेश पहले से ही इस दिशा में अग्रणी भूमिका निभा रहा है। जीसीसी नीति 2025 के तहत 50 से अधिक जीसीसीएस को आकर्षित करने, 37,000 से अधिक प्रत्यक्ष नौकरियां सृजित करने और राज्य के तेजी से बढ़ते आईटी/ आईटीईएस पारिस्थितिकी तंत्र का लाभ उठाने की योजना बनाई गई है। बजट में निवेश, अर्थव्यवस्था और नवाचार को प्रमुख विकास चालक बताया गया है। जीसीसीनीति के तहत राज्य जीसीसी निवेश को प्रोत्साहित करने के लिए पेरोल सब्सिडी, इंटर्नशिप सहायता और अनुसंधान प्रोत्साहन उपलब्ध करा रहा है, जिससे वैश्विक उद्यमों को कुशल कार्यबल और अनुकूल व्यावसायिक माहौल मिल सके। सरकार वैश्विक भागीदारी के साथ पांच उत्कृष्टता केंद्र (सीओईएस) स्थापित करेगी, जो उन्नत तकनीकों में कौशल विकास को बढ़ावा देंगे। मध्यप्रदेश पहले से ही इस दिशा में पहल कर चुका है और एआई व साइबर सुरक्षा में सीओईएस का समर्थन कर रहा है। 50 प्रतिशत परियोजना लागत सब्सिडी के साथ डीप-टेक अनुसंधान और कौशल विकास को प्रोत्साहित किया जा रहा है। कृत्रिम बुद्धिमत्ता (ए आई) में शिक्षा और अनुसंधान को नया स्वरूप देने के लिए 500 करोड़ रु. के ए आई उत्कृष्टता केंद्र की घोषणा की गई है। मध्यप्रदेश पहले से ही प्रति इकाई एक करोड रुपए के अनुसंधान एवं विकास (आर एडं डी) समर्थन तथा सीओई विकास के लिए 50 प्रतिशत सब्सिडी की व्यवस्था कर रहा है, जिससे एआई में अत्याधुनिक नवाचार को बढ़ावा मिलेगा। निजी क्षेत्र के अनुसंधान और नवाचार को गति देने के लिए 20,000 करोड रु. के कोष की घोषणा की गई है। राज्य पेटेंट सहायता, आर एंड डी अनुदान और 30 करोड रु.तक की पूंजीगत (कैपेक्स) सब्सिडी प्रदान कर रहा है, जिससे मध्यप्रदेश वैश्विक अनुसंधान और नवाचार का एक प्रमुख केंद्र बन रहा है। सरकार ने 50,000 अटल टिंकरिंग लैब्स के विस्तार का प्रावधान किया है, जिससे छात्रों में रचनात्मकता और तकनीकी कौशल को बढ़ावा मिलेगा। राज्य कौशल विकास केंद्रों को कौशल विकास और नवाचार केंद्र स्थापित करने के लिए प्रेरित कर रहा है, जिससे युवा प्रतिभाएं भविष्य के लिए तैयार हो सकें। मध्यप्रदेश पहले से ही भारत की कौशल विकास केंद्र परिवर्तन यात्रा में अग्रणी है। सक्रिय नीतियों, रणनीतिक निवेश और नवाचार-प्रेरित दृष्टिकोण के साथ, राज्य भारत का अगला वैश्विक जी सी सी शक्ति केंद्र बनने के लिए तैयार है।  

slot server thailand super gacor

spaceman slot gacor

slot gacor 777

slot gacor

Nexus Slot Engine

bonus new member

olympus

situs slot bet 200

slot gacor

slot qris

link alternatif ceriabet

slot kamboja

slot 10 ribu

https://mediatamanews.com/

slot88 resmi

slot777

https://sandcastlefunco.com/

slot bet 100

situs judi bola

slot depo 10k

slot88

slot 777

spaceman slot pragmatic

slot bonus

slot gacor deposit pulsa

rtp slot pragmatic tertinggi hari ini

slot mahjong gacor

slot deposit 5000 tanpa potongan

mahjong

spaceman slot

https://www.deschutesjunctionpizzagrill.com/

spbo terlengkap

cmd368

368bet

roulette

ibcbet

clickbet88

clickbet88

clickbet88

bonus new member 100

slot777

https://bit.ly/m/clickbet88

https://vir.jp/clickbet88_login

https://heylink.me/daftar_clickbet88

https://lynk.id/clickbet88_slot

clickbet88

clickbet88

https://www.burgermoods.com/online-ordering/

https://www.wastenotrecycledart.com/cubes/

https://dryogipatelpi.com/contact-us/

spaceman slot gacor

ceriabet link alternatif

ceriabet rtp

ceriabet

ceriabet link alternatif

ceriabet link alternatif

ceriabet login

ceriabet login

cmd368

sicbo online live

Ceriabet Login

Ceriabet

Ceriabet

Ceriabet

Ceriabet

casino online

clickbet88

login kudahoki88

Ceriabet

Ceriabet

Ceriabet