LATEST NEWS

सीएम मोहन यादव ने कहा प्रधानमंत्री मोदी का जनता से जुड़ाव, बीजेपी कार्यकर्ताओं की मेहनत और देश के बदलते मिजाज के कारण पार्टी लगातार जीत रही

इंदौर मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव इंदौर में रात्रि विश्राम करने के बाद शनिवार को प्रयागराज रवाना हुए। सीएम प्रयागराज महाकुंभ में वीआईपी घाट त्रिवेणी संकुल पर गंगा स्नान के बाद विभिन्न धार्मिक अनुष्ठानों में हिस्सा लेंगे। वह दिनभर महाकुंभ में रहेंगे और अलग-अलग कार्यक्रमों में शामिल होंगे। जानकारी के मुताबिक, सीएम दोपहर करीब 12:15 बजे वीआईपी घाट त्रिवेणी संकुल पहुंचेंगे और रात्रि 10 बजे भोपाल लौट आएंगे। इंदौर में रवाना होने से पहले उन्होंने दिल्ली में बीजेपी की जीत पर खुशी जाहिर की और पार्टी नेताओं को मिठाई खिलाई। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का जनता से जुड़ाव, बीजेपी कार्यकर्ताओं की मेहनत और देश के बदलते मिजाज के कारण पार्टी लगातार जीत रही है।   विपक्ष पर किया हमला सीएम मोहन यादव ने विपक्ष पर भी जोरदार हमला बोला। उन्होंने कहा कि टुकड़े-टुकड़े गैंग अपनी ओछी मानसिकता से देश और प्रदेश को वर्षों से गुमराह करता आ रहा है, लेकिन जनता अब सच्चाई जान चुकी है। विपक्षी पार्टियां लगातार हार का सामना कर रही हैं, क्योंकि उन्होंने हमेशा जनता को भ्रमित करने का प्रयास किया। बीजेपी हरियाणा, महाराष्ट्र और दिल्ली के बाद आने वाले चुनावों में भी केंद्र की तरह ही जीत दर्ज करेगी। उन्होंने कहा कि एक समय ऐसा था जब समाज को बांटने के लिए अलग-अलग विचारधाराएं फैलाई गई थीं, लेकिन अब सच्चाई जनता के सामने है।   कीचड़ में खिला कमल सीएम ने आम आदमी पार्टी, कांग्रेस और अन्य विपक्षी दलों पर तंज कसते हुए कहा कि उन्हें अब आत्ममंथन करने की जरूरत है। उन्होंने कहा कि जनता उनकी असलियत पहचान चुकी है और बीजेपी का विजयी अभियान जारी रहेगा। उन्होंने कहा कि फैले हुए कीचड़ में कमल खिल रहा है और यह बीजेपी की मजबूत पकड़ और जनता के समर्थन का प्रमाण है।  

MP में 4 IPS का ट्रांसफर, डीजी गुप्ता समेत इन अफसरों को मिली नई जिम्मेदारी

भोपाल  मध्य प्रदेश सरकार आईपीएस सर्विस मीट के बीच 4 आईपीएस अफसरों के जिम्मेदारियों में बड़ा फेरबदल किया है. शुक्रवार देर रात जारी सूचना के मुताबिक, एडीजी रैंक के मनोज शंकर शर्मा को रेल की जिम्मेदारी दी गई है. इसी तरह एडीजी लेवल के तीन अधिकारी डीपी गुप्ता, मीनाक्षी गुप्ता और ए साई मनोहर के जिम्मेदारियों में फेरबदल किया गया है. जानिए किसे कहां मिली जिम्मेदारी जारी सूचना के मुताबिक,  परिवहन विभाग से एक महीने पहले हटाए गए डीपी गुप्ता को फिर नई जिम्मेदारी मिली है. उन्हें अब एडीजी सामुदायिक पुलिसिंग, आरटीआई, को ऑपरेटिव फ्रॉड और पुलिस मैनुअल की जिम्मेदारी सौंपी गई है. पिछले माह डीपी गुप्ता को हटाने के बाद से उनके पास कोई जिम्मेदारी नहीं थी. इसके अलावा एडीजी मनीष शंकर शर्मा को पुलिस मैनुअल पुलिस मुख्यालय से एडीजी रेल पुलिस मुख्यालय पदस्त किया गया है. एडीजी मीनाक्षी शर्मा को सामुदायिक पुलिस से ओएसडी मध्य प्रदेश भवन नई दिल्ली पदस्थ किया गया है. वहीं, एडीजी ए साई मनोहर को ओएसडी मध्य प्रदेश भवन से एडीजी साइबर पुलिस पदस्थ किया गया है. आईपीएस मीट में हुई ये चर्चा गौरतलब है कि मध्य प्रदेश में शुक्रवार को आईपीएस सर्विस मीट शुरू होने के बीच मोहन सरकार ने चार आईपीएस अफसरों के तबादले किए हैं. बीते शुक्रवार को आईपीएस सर्विस मीट के शुभारंभ के बाद पुलिस अफसरों ने मॉडर्न पुलिस क्राइम को लेकर स्पेशल सेशन बुलाया था. इस दौरान बदलते वक्त के साथ बढ़ते क्राइम को लेकर पुलिस अधिकारियों को ट्रेनिंग देने का काम किया गया. इसके ठीक बाद देर रात गृह विभाग द्वारा 4 आईपीएस अफसर के तबादले कर दिए गए. मध्य प्रदेश आईपीएस तबादले     ए साईं मनोहर को साइबर का ADG बनाया गया है।     मीनाक्षी शर्मा को एमपी भवन दिल्ली भेजा गया है, यहां वे विशेष कर्तव्यस्थ अधिकारी बनाई गई हैं।     एडीजी मनीष शंकर शर्मा को रेल पुलिस मुख्यालय का एडीजी बनाया गया है।     डीपी गुप्ता एडीजी सामुदायिक पुलिस PHQ बने हैं।

पीएम मोदी फ्रांस से सीधा अमेरिका जाएंगे , जानें राष्ट्रपति ट्रंप से किन अहम मुद्दों पर होगी चर्चा

नई दिल्ली फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों के आमंत्रण पर, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 10 से 12 फरवरी तक फ्रांस की यात्रा करेंगे। पीएम मोदी पेरिस की अपनी यात्रा समाप्त करने के बाद वाशिंगटन डीसी जाएंगे। वहीं फ्रांस की यात्रा के तुरंत बाद पीएम मोदी 12 फरवरी से अमेरिका की 2 दिवसीय यात्रा पर जाएंगे। डोनाल्ड ट्रंप के दूसरी बार अमेरिकी राष्ट्रपति बनने के बाद प्रधानमंत्री मोदी की यह पहली अमेरिका यात्रा होगी।बता दें कि ट्रंप प्रशासन के दूसरे कार्यकाल के लिए सत्ता में आने के कुछ ही सप्ताह के भीतर वाशिंगटन डीसी जाने वाले मोदी कुछ चुनिंदा विदेशी नेताओं में शामिल होंगे। सामने आई ये जानकारी विदेश मंत्रालय ने शुक्रवार को बताया कि, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 12 फरवरी से अमेरिका की दो दिवसीय यात्रा पर जाएंगे। इस यात्रा के दौरान, वह अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप से मुलाकात करेंगे। विदेश सचिव विक्रम मिसरी ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा कि, पीएम मोदी की यह यात्रा भारत और अमेरिका के रिश्तों को और मजबूत बनाएगी और भारत-अमेरिका द्विपक्षीय संबंधों को नई गति और दिशा देगी। बता दें कि बता दें कि पीएम मोदी का अमेरिका दौरा ऐसे समय में हो रहा है जब अमेरिका ने बेड़ियों से जकड़ कर 104 अप्रवासियों को अमेरिका से भारत भेजा है। इस घटना को लेकर विपक्ष ने सवाल उठाए हैं। मोदी की अमेरिका यात्रा से पहले, वह 10-12 फरवरी तक फ्रांस में रहेंगे, जहां वह फ्रांसीसी राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों के साथ एआई (आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस) एक्शन समिट की सह-अध्यक्षता करेंगे। मिसरी ने यह भी बताया कि प्रधानमंत्री मोदी कैडारैचे अंतर्राष्ट्रीय थर्मोन्यूक्लियर प्रायोगिक रिएक्टर का दौरा करेंगे, इसमें भारत भी एक भागीदार है। विदेश मंत्रालय ने बताया कि 11 फरवरी को प्रधानमंत्री मोदी और राष्ट्रपति मैक्रों एआई एक्शन शिखर सम्मेलन की सह-अध्यक्षता करेंगे। इस आयोजन का मकसद वैश्विक वैश्विक स्तर पर एआई के बढ़ते प्रभाव और उसके उपयोग को और अधिक सुदृढ़ करना है। फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों के निमंत्रण पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 10 से 12 फरवरी 2025 तक फ्रांस की यात्रा पर रहेंगे। एआई एक्शन शिखर सम्मेलन में हिस्सा लेंगे पीएम मोदी विक्रम मिस्री ने बताया कि 11 फरवरी को प्रधानमंत्री मोदी और राष्ट्रपति मैक्रों एआई एक्शन शिखर सम्मेलन की सह-अध्यक्षता करेंगे. इस आयोजन का मकसद वैश्विक स्तर पर एआई के बढ़ते प्रभाव और उसके उपयोग को और अधिक सुदृढ़ करना है. इनके अलावा, यह शिखर सम्मेलन एआई प्रौद्योगिकी के दुरुपयोग और उसकी नैतिकता पर भी विचार-विमर्श करेगा. विदेश सचिव विक्रम मिस्री ने बताया कि यह तीसरा उच्च-स्तरीय एआई शिखर सम्मेलन है. इससे पहले 2023 में यूके और 2024 में दक्षिण कोरिया में इसी तरह के सम्मेलन आयोजित किए गए थे. इस शिखर सम्मेलन के माध्यम से भारत और फ्रांस के बीच टेक्नोलॉजी के क्षेत्र में सहयोग को और मजबूती मिलेगी.

अखिलेश यादव के सफल पीडीए राजनीति को लग रहा झटका, अवधेश प्रसाद के आंसुओं के बाद भी नहीं पिघले मतदाता

अयोध्या उत्तर प्रदेश के मिल्कीपुर विधानसभा उपचुनाव के शुरूआती रुझान सामने आ गए हैं। इन रुझानों में भारतीय जनता पार्टी, समाजवादी पार्टी पर बढ़त बनाती दिख रही है। भारतीय जनता पार्टी ने इस सीट पर चंद्रभानु पासवान को उम्मीदवार बनाया था। वहीं, समाजवादी पार्टी फैजाबाद-अयोध्या सांसद अवधेश प्रसाद के बेटे अजीत प्रसाद पर दांव लगती दिखाई दी। भारतीय जनता पार्टी ने इस सीट पर परिवारवाद की राजनीति का मुद्दा उठाते हुए पासी समाज से ही आने वाले चंद्रभानु पासवान के पक्ष में माहौल बनाया। अखिलेश यादव इस सीट पर पीडीए पॉलिटिक्स के सफल होने की उम्मीद कर रहे हैं। हालांकि, प्रारंभिक रुझान उनकी उम्मीदों को झटका देते दिख रहे हैं। भारतीय जनता पार्टी की आक्रामक रणनीति के कारण मिल्कीपुर उपचुनाव समाजवादी पार्टी के लिए प्रतिष्ठा का विषय बन गया। पूरे मुलायम कुनबा को मिल्कीपुर में उतर दिया गया। मैनपुरी सांसद डिंपल यादव, आजमगढ़ सांसद धर्मेंद्र यादव के बाद सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव भी प्रचार मैदान में उतरे। अखिलेश चुनाव प्रचार खत्म होने के दिन मिल्कीपुर पहुंचे और भाजपा के खिलाफ अपनी पिछड़ा दलित अल्पसंख्यक यानी पीडीए पॉलिटिक्स को साधने का प्रयास किया। वहीं, यूपी सीएम योगी आदित्यनाथ ने मिल्कीपुर विधानसभा उपचुनाव की कमान अपने हाथ में संभाल रखी थी। शुरुआती रुझान योगी आदित्यनाथ को बढ़त दिलाते दिख रहे हैं। पहले चरण से ही बनाई बढ़त मिल्कीपुर उपचुनाव परिणाम में पहले ही चरण से भारतीय जनता पार्टी उम्मीदवार चंद्रभानु पासवान ने बढ़त बना ली। वह लगातार आगे चलते दिख रहे हैं। पहले चरण के वोटों की गिनती के बाद चंद्रभानु पासवान 3995 वोटों से आगे चल रहे थे। दूसरे चरण की वोटों की गिनती पूरी हुई तो चंद्रभानु पासवान साढ़े छह हजार वोटों से आगे निकल गए। वहीं, तीसरे चरण के वोटों की गिनती पूरी होने के बाद भाजपा और समाजवादी पार्टी उम्मीदवार के बीच का अंतर 10 हजार के पार कर गया। अखिलेश ने बताया था महत्वपूर्ण वोटों के लगातार बढ़ रहे अंतर ने समाजवादी पार्टी समर्थकों के चेहरों को लटका दिया है। मिल्कीपुर उपचुनाव से पहले अखिलेश यादव ने इसे महत्वपूर्ण करार दिया था। सांसद अवधेश प्रसाद को सामने लाकर लोकसभा चुनाव में भाजपा की अयोध्या में हार को देशभर में समाजवादी पार्टी हिंदुत्व की राजनीति पर चोट करार देती रही। अखिलेश इस सीट पर जीत दर्ज कर दलित-पिछड़ों के बीच अपनी पैठ को बढ़ाने का दावा करते दिख रहे थे। वहीं, भारतीय जनता पार्टी लगातार कह रही थी कि लोकसभा चुनाव में अयोध्या में भाजपा की हार और समाजवादी पार्टी की जीत एक तुक्का थी। मिल्कीपुर उपचुनाव में भाजपा ने जिस प्रकार से जोर लगाया और ग्रास रूट लेवल पर काम किया, वह अब वह वोटों की गिनती में दिख रहा है।

दीनदयाल शोध संस्थान चित्रकूट में “आत्मनिर्भर और स्वावलंबी आदर्श ग्राम” विषय पर कार्यशाला का किया शुभारंभ

प्रदेश सरकार जन सुविधाओं को हर कोने हर व्यक्ति तक पहुंचाने के लिये संकल्पित – उप मुख्यमंत्री शुक्ल अंतिम व्यक्ति तक विकास का लाभ पहुँचाने में जन-जागरूकता तंत्र की भूमिका महत्वपूर्ण दीनदयाल शोध संस्थान चित्रकूट में “आत्मनिर्भर और स्वावलंबी आदर्श ग्राम” विषय पर कार्यशाला का किया शुभारंभ भोपाल उप मुख्यमंत्री राजेन्द्र शुक्ल ने कहा है कि मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के नेतृत्व में प्रदेश सरकार जन सुविधाओं को हर कोने हर व्यक्ति तक पहुंचाने के लिये संकल्पित है। उन्होंने कहा कि विकास योजनाओं में जन सहभागिता सुनिश्चित करने में मध्यप्रदेश जन अभियान परिषद की महत्वपूर्ण भूमिका है और आगे भी रहेगी। उन्होंने कहा कि पंडित दीनदयाल उपाध्याय की सोच को साकार करते हुए अंतिम व्यक्ति तक विकास का लाभ पहुँचाने में शासन के साथ-साथ उसे जन-जागरूकता तंत्र की भूमिका महत्वपूर्ण है। उप मुख्यमंत्री शुक्ल ने दीन दयाल शोध संस्थान चित्रकूट में “आत्मनिर्भर और स्वावलंबी आदर्श ग्राम” विषय पर दो दिवसीय आवासीय प्रशिक्षण कार्यशाला का शुभारंभ किया। उप मुख्यमंत्री शुक्ल ने कहा कि गांव में अब पहले से ज्यादा सुविधाएं हैं। आदर्श ग्रामों के विकास के लिए अनुकूल समय है। दीनदयाल शोध संस्थान का मार्गदर्शन और मध्यप्रदेश जनअभियान परिषद का समर्पण इस दिशा में निर्णायक बदलाव ला सकता है। उल्लेखनीय है कि राष्ट्रऋषि नाना जी देशमुख के आत्मनिर्भर एवं स्वावलम्बी ग्रामों के चित्रकूट मॉडल को सम्पूर्ण प्रदेश में विस्तारित करने के उद्देश्य से दीनदयाल शोध संस्थान चित्रकूट और मध्यप्रदेश जन अभियान परिषद के संयुक्त तत्वावधान में कार्यशाला का आयोजन किया गया है। मध्यप्रदेश जन अभियान परिषद के उपाध्यक्ष मोहन नागर ने कहा कि गांव की समृद्धि और विकास के लिये आवश्यक है कि सभी ग्रामवासियों की सम्पूर्ण प्रक्रिया में सक्रिय सहभागिता सुनिश्चित की जाए। तभी स्थायी और सतत परिणाम होंगे। उन्होंने परिषद अमले को कहा कि गांव में सिखाने नहीं सीखने के भाव से जाएं। दीनदयाल शोध संस्थान के संगठन सचिव अभय महाजन ने कहा कि नाना जी का मानना था कि कर्मठता और स्वावलंबन से ही ग्राम जीवन में बदलाव आ सकता है। नाना जी ने अपने समय की समस्त चुनौतियों को संबोधित किया है। उनका विकास मॉडल सर्वे भवंतु सुखिनः का उदघोष करता है। मध्यप्रदेश जन अभियान परिषद के कार्यपालक निदेशक डॉ.धीरेन्द्र कुमार पाण्डेय ने कहा कि परिषद की उपस्थिति अधिकांश पंचायतों में है। नवांकुर संस्थाओं और प्रस्फुटन समितियों सहित प्रदेश में सीएमसीएलडीपी के 50 हजार विद्यार्थियों के साथ परिषद सबसे महत्वपूर्ण मैदानी संगठनों में से एक है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव की अपेक्षाओं के अनुरूप इस प्रशिक्षण से परिषद अमले को ग्राम-समाज को समझने और बदलावों की गतिविधियों के चिन्हांकन के लिए महत्वपूर्ण मार्गदर्शन मिलेगा। प्रशिक्षण कार्यशाला में मध्यप्रदेश जन अभियान परिषद राज्य कार्यालय के अधिकारियों सहित समस्त संभाग जिला और विकासखण्ड समन्वयक सहभागिता कर रहे हैं।  

CM मोहन आज महाकुंभ में डुबकी लगाएंगे, पूरे दिन रहेंगे व्यस्त, कई कार्यक्रमों में होंगे शामिल

भोपाल  प्रशासन के तमाम दावों के बावजूद उत्तर प्रदेश के प्रयागराज में चल रहे महाकुंभ 2025 में वीआईपी कल्चर जारी है। हालाकिं, अबतक यहां 40 करोड़ से ज्यादा श्रद्धालु संगम स्नान कर चुके हैं। इस बीच खबर सामने आई है कि, मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव आज शनिवार को प्रयागराज दौरे पर हैं। वो महाकुंभ में हिस्सा लेंगे। इस मौके पर वह वीआईपी घाट त्रिवेणी शंकुल में डुबकी लगाएंगे और विभिन्न धार्मिक अनुष्ठानों में हिस्सा लेंगे।  मिली जानकारी के अनुसार, सीएम डॉ. मोहन यादव आज दिनभर महाकुंभ में ही रहेंगे और अलग-अलग कार्यक्रमों में हिस्सा लेंगे। ऐसे में सीएम के दौरे के लिए विशेष सुरक्षा इंतजाम किए गए हैं। जानकारी के मुताबिक, सीएम दोपहर करीब 12:15 बजे वीआईपी घाट त्रिवेणी शंकुल पहुंचेंगे और महाकुंभ में डुबकी लगाएंगे। सीएम आज पूरा दिन महाकुंभ में ही रहेंगे और अलग-अलग कार्यक्रमों में शामिल होंगे। प्रयागराज से रात 10 बजे वो भोपाल पहुंचेंगे। 45 करोड़ श्रद्धालुओं के आने की उम्मीद बता दें कि, इस बार महाकुंभ में 45 करोड़ श्रद्धालुओं के पवित्र संगम में डुबकी लगाने की उम्मीद है. हर 12 साल में आयोजित होने वाले इस कुंभ में 144 साल बाद विशेष संयोग देखने को मिल रहा है, क्योंकि अब तक कुल 12 कुंभ आयोजित हो चुके हैं। इस खास मौके को देखते हुए इसे महाकुंभ कहा जा रहा है और इसमें आने वाले श्रद्धालुओं की संख्या अब तक के किसी भी कुंभ से ज्यादा होने की संभावना है। उत्तर प्रदेश सरकार ने श्रद्धालुओं की गिनती के लिए हाईटेक उपकरणों का इस्तेमाल किया है और इस बार लोगों की गिनती एआई आधारित कैमरों के जरिए की जा रही है।

परिवहन विभाग और पेट्रोलियम कंपनियों के बीच बैठक में महत्वपूर्ण निर्णय, पेट्रोल पम्पों पर वाहनों की पीयूसी स्थापित किए जाएंगे

रायपुर पर्यावरण प्रदूषण को नियंत्रित करने के लिए छत्तीसगढ़ में अब पेट्रोल पम्पों पर वाहनों की प्रदूषण जांच के सेंटर (पीयूसी) स्थापित किए जाएंगे। इसके लिए पेट्रोलियम कम्पनियों ने अपनी सहमति दे दी है। पेट्रोल पंपों पर प्रदूषण जांच केंद्र स्थापित होने से वाहन चालकों को पीयूसी प्रमाण पत्र बनवाने में आसानी होगी और उन्हें अन्य केंद्रों की तलाश में भटकना नहीं पड़ेगा। इसके अलावा, यह पहल वाहनों से होने वाले वायु प्रदूषण को नियंत्रित करने में मददगार और राज्य में पर्यावरण सुरक्षा की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम होगा।     गौरतलब है कि मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने 4 फरवरी 2025 को परिवहन विभाग की समीक्षा बैठक में वाहनों के धुएं से होने वाले वायु प्रदूषण की रोकथाम के लिए प्रभावी कदम उठाने के निर्देश दिए थे। इसी के तहत 7 फरवरी 2025 को परिवहन सचिव एवं परिवहन आयुक्त श्री एस. प्रकाश और अपर परिवहन आयुक्त श्री डी. रविशंकर की अध्यक्षता में एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। इस बैठक में इंडियन ऑयल, भारत पेट्रोलियम, हिंदुस्तान पेट्रोलियम और रिलायंस इंडस्ट्रीज के वरिष्ठ अधिकारियों ने भाग लिया।     बैठक में पेट्रोलियम कंपनियों के प्रतिनिधियों ने अपने पेट्रोल पंपों में प्रदूषण जांच केंद्र (पीयूसी सेंटर) स्थापित करने पर सहमति जताई। यह निर्णय राष्ट्रीय हरित अधिकरण (एनजीटी) और केंद्र सरकार के दिशा-निर्देशों को ध्यान में रखते हुए लिया गया है, जिससे वायु प्रदूषण को नियंत्रित कर आमजन के स्वास्थ्य की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके। बैठक में इंडियन ऑयल कॉर्पाेरेशन के मुख्य प्रबंधक श्री उपेन्द्र गिरी, भारत पेट्रोलियम के चीफ मैनेजर श्री बी. देवकुमार, रिलायंस इंडस्ट्रीज लिमिटेड के प्रबंधक श्री श्रेयस गुप्ता और हिंदुस्तान पेट्रोलियम के मुख्य प्रबंधक श्री गौतम कुमार सहित परिवहन विभाग और पेट्रोलियम कंपनियों के अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।

रायपुर : छत्तीसगढ़ में वन प्रबंधन की सर्वश्रेष्ठ प्रक्रियाओं का अध्ययन करने पहुंचा आईएफएस अधिकारियों का दल

रायपुर भारतीय वन सेवा के 32 अधिकारियों का एक दल मध्य कैरियर प्रशिक्षण फेज-3 के तहत छत्तीसगढ़ के वन प्रबंधन मॉडल का अध्ययन करने के लिए रायपुर पहुंचा। इंदिरा गांधी राष्ट्रीय वन अकादमी देहरादून द्वारा आयोजित इस अध्ययन यात्रा का उद्देश्य लघु वनोपज प्रबंधन, सामुदायिक वन प्रबंधन और मृदा-नमी संरक्षण की सर्वश्रेष्ठ प्रक्रियाओं को समझना समझना है। रायपुर में अधिकारियों ने अरण्य भवन, नवा रायपुर में प्रधान मुख्य वन संरक्षक एवं वन बल प्रमुख वी. श्रीनिवास राव और अन्य वरिष्ठ अधिकारियों के साथ संवाद किया। इस अवसर पर राव ने सतत वन प्रबंधन के लिए छत्तीसगढ़ सरकार द्वारा किए जा रहे प्रयासों और रणनीतियों को साझा किया। बैठक के दौरान छत्तीसगढ़ वन विभाग की विभिन्न पहलों पर प्रस्तुतियाँ दी गईं, जिसमें छत्तीसगढ़ राज्य लघु वनोपज महासंघ के प्रबंध संचालक अनिल कुमार साहू ने लघु वनोपज के संग्रहण, प्रसंस्करण और विपणन पर जानकारी दी। उन्होंने बताया कि यह मॉडल जनजातीय महिलाओं के सशक्तिकरण और सामाजिक-आर्थिक विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है। बैठक में अपर प्रधान मुख्य वन संरक्षक (भू प्रबंध) सुनील कुमार मिश्रा ने मृदा एवं जल संरक्षण योजनाओं पर जानकारी दी, जबकि सीईओ कैम्पा ओ.पी. यादव ने वनों में जलधाराओं के पुनर्जीवन के लिए उठाए जा रहे कदमों की जानकारी दी। प्रभारी अपर प्रधान मुख्य वन संरक्षक (संयुक्त वन प्रबंधन) नावेद शुजाउद्दीन ने वन अधिकार अधिनियम 2006 के तहत सामुदायिक वन अधिकार और सामुदायिक वन संसाधन अधिकार पर चर्चा की। इस अवसर पर छत्तीसगढ़ वन विभाग के कई वरिष्ठ अधिकारी भी उपस्थित थे, जिनमें प्रधान मुख्य वन संरक्षक (कार्य योजना) मोरिस नंदी, अपर प्रधान मुख्य वन संरक्षक (बजट) श्रीमती संगीता गुप्ता, अपर प्रधान मुख्य वन संरक्षक (वन्यजीव) प्रेम कुमार, मुख्य वन संरक्षक श्रीमती शालिनी रैना, मुख्य वन संरक्षक (बांस मिशन) एस. वेंकटाचलम, मुख्य वन संरक्षक रायपुर राजू अगासीमनी, कैम्पा के संयुक्त सीईओ अमिताभ बाजपेई, वन संरक्षक श्रीमती सातोविषा समाजदार, वन संरक्षक (उत्पादन) श्रीमती सलमा फारूकी और वन संरक्षक  मणिवासगन शामिल थे। बैठक के दौरान अधिकारियों ने अपने अनुभव साझा किए और उपयोगी सुझाव दिए। बैठक के बाद अधिकारियों ने नवा रायपुर स्थित जंगल सफारी का दौरा किया, जहां श्रीमती सातोविषा समाजदार और गणवीर धामशील ने उन्हें वन्यजीव संरक्षण और प्रबंधन की जानकारी दी। इसके बाद आईएफएस अधिकारियों का दल धमतरी वनमंडल का दौरा करेगा, जहां वनमंडलाधिकारी धमतरी, जाधव श्रीकृष्ण के समन्वय में विभिन्न गतिविधियाँ आयोजित की जाएंगी। इस दौरान अधिकारी पाम्पर नाला में मृदा एवं जल संरक्षण कार्यों का निरीक्षण करेंगे, दुगली में स्थित लघु वनोपज प्रसंस्करण केंद्र का दौरा करेंगे और रायपुर के संजीवनी एवं बांस एम्पोरियम में वन उत्पादों से जुड़े मूल्य संवर्धन के प्रयासों को समझेंगे।

ई-ऑफिस: छत्तीसगढ़ सरकार का सुशासन और पारदर्शिता की ओर एक और बड़ा कदम : मुख्यमंत्री विष्णु देव साय

रायपुर : सभी विभागों में ई-आफिस का पूर्ण क्रियान्वयन 31 मार्च 2025 तक करें सुनिश्चित – मुख्यमंत्री साय सरकार का लक्ष्य भ्रष्टाचार पर जीरो टॉलरेंस और पारदर्शी प्रशासन को मजबूत करना : मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ई-ऑफिस: छत्तीसगढ़ सरकार का सुशासन और पारदर्शिता की ओर एक और बड़ा कदम : मुख्यमंत्री विष्णु देव साय मंत्रालय के सभी विभागों में ई-ऑफिस प्रारंभः 16 विभागाध्यक्ष कार्यालय भी ई-ऑफिस से जुड़े सक्ती जिले में ई-ऑफिस की शुरूआत रायपुर मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने कहा कि सरकार सुशासन को सशक्त बनाने और प्रशासनिक प्रक्रियाओं को पारदर्शी, प्रभावी और त्वरित बनाने के लिए प्रतिबद्ध है। इसी दिशा में, 1 जनवरी 2025 को विभागीय सचिवों की बैठक में सभी विभागों और कार्यालयों में ई-ऑफिस को लागू करने के निर्देश दिए गए थे। उन्होंने कहा कि सामान्य प्रशासन विभाग की अधिकांश फाइलें ई-ऑफिस के माध्यम से ही निपटाई जा रही हैं और सभी विभागों में इसका पूर्ण क्रियान्वयन 31 मार्च 2025 तक सुनिश्चित किया जाएगा। मुख्यमंत्री ने अधिकारियों और कर्मचारियों को ई-ऑफिस के प्रशिक्षण की सुविधा देने की बात कही, ताकि सभी विभागों में इसे प्रभावी रूप से लागू किया जा सके। उल्लेखनीय है कि छत्तीसगढ़ सरकार ने ई-गवर्नेंस को बढ़ावा देने और सरकारी कामकाज में पारदर्शिता लाने के उद्देश्य से ई-ऑफिस प्रणाली को चरणबद्ध तरीके से लागू किया है। पहले इसे सामान्य प्रशासन विभाग में शुरू किया गया था और अब इसे मंत्रालय के सभी विभागों में विस्तारित कर दिया गया है। अब तक 16 विभागाध्यक्ष कार्यालयों को ई-ऑफिस प्रणाली से जोड़ा जा चुका है और जिला स्तर पर भी इसे लागू करने की प्रक्रिया तेज कर दी गई है। सक्ती पहला ऐसा जिला है, जहां ई-ऑफिस पूरी तरह से लागू हो चुका है। मुख्यमंत्री साय ने कहा कि ई-ऑफिस प्रणाली से सरकारी कार्यों की गति, दक्षता और पारदर्शिता में अभूतपूर्व सुधार होगा। इस पहल से सरकारी प्रक्रियाओं में स्वचालन (automation) आएगा, जिससे फाइलों की ट्रैकिंग आसान होगी, निर्णय लेने की गति तेज होगी और भ्रष्टाचार पर अंकुश लगेगा। उन्होंने मुख्य सचिव को निर्देश दिए कि सभी विभागों में फाइलों की डिजिटल स्वीकृति सुनिश्चित की जाए, ताकि सरकारी कार्यों में अनावश्यक देरी समाप्त हो और प्रशासनिक निर्णयों को त्वरित रूप से लागू किया जा सके। राज्य सरकार डिजिटल गवर्नेंस को हर स्तर पर सशक्त करने के लिए लगातार प्रयासरत है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के “डिजिटल इंडिया” अभियान को आगे बढ़ाते हुए छत्तीसगढ़ सरकार ने ई-गवर्नेंस को प्रभावी रूप से लागू किया है, जिससे राज्य की सभी सरकारी सेवाएं अधिक पारदर्शी, सुगम और त्वरित बनेंगी। मुख्यमंत्री ने कहा कि छत्तीसगढ़ में ई-गवर्नेंस को सुशासन के प्रभावी उपकरण के रूप में अपनाया गया है, जिससे सरकारी सेवाएं तेजी से और आसानी से जनता तक पहुंचेंगी। ई-ऑफिस प्रणाली के क्रियान्वयन से फाइलों के अनुमोदन में लगने वाला समय कम होगा, जिससे प्रशासनिक निर्णयों को शीघ्र लागू किया जा सकेगा। इसमें फाइलों की रियल-टाइम ट्रैकिंग, डिजिटल दस्तावेजों की सुरक्षा और डुप्लिकेशन रोकने के लिए केंद्रीकृत डेटा प्रबंधन की सुविधा शामिल है। कागजी कार्यवाहियों में कमी आने से सरकारी कार्यालयों की कार्यक्षमता में सुधार होगा और शासन अधिक प्रभावी एवं जवाबदेह बनेगा। ई-ऑफिस प्रणाली से कागज, मानव संसाधन और परिवहन लागत में भी बचत होगी, जिससे सरकारी खर्चों में भी कमी आएगी। मुख्यमंत्री ने सभी विभागों को ई-ऑफिस प्रणाली को प्राथमिकता के साथ लागू करने के निर्देश दिए हैं, ताकि सरकार की कार्य प्रणाली को अधिक समयबद्ध, प्रभावी और पारदर्शी बनाया जा सके। उन्होंने कहा कि ई-ऑफिस का सफल क्रियान्वयन छत्तीसगढ़ को डिजिटल ट्रांसफॉर्मेशन के अग्रणी राज्यों में शामिल करने की दिशा में एक ठोस कदम होगा।

स्वभाव स्वच्छता संस्कार स्वच्छता अभियान 13 फरवरी को

भोपाल सहकारिता मंत्री श्री विश्वास कैलाश सारंग के निर्देश पर अंतर्राष्ट्रीय सहकारिता वर्ष-2025 के अवसर पर सहकारिता के महत्व के प्रति लोगों को जागरूकता लाने के लिये विभाग के तहत सभी स्तर के विभागीय कार्यालय, सहकारी संस्थाओं में 13 फरवरी को “स्वभव स्वच्छता संस्कार स्वच्छता” अभियान के तहत स्वच्छता दिवस कार्यक्रम मनाया जायेगा। इस संबंध में आयुक्त सहकारिता एवं पंजीयक सहकारी संस्थाऐं ने परिपत्र जारी किया है। सभी शीर्ष संस्थाओं के प्रबंध संचालक, संभाग/जिला के संयुक्त/उप/सहायक आयुक्त सहकारिता और जिला सहकारी केन्द्रीय बैंक मर्यादित के मुख्य कार्यपालन अधिकारी के नाम जारी परिपत्र में कहा गया है कि इस कार्यक्रम के अंतर्गत विभाग एवं संस्थाओं में कार्यालयीन नस्तियों को व्यवस्थित करना, पुराने रिकार्ड के बस्तों में संदर्भ अंकित होना, कार्यालय में इंडेक्स रजिस्टर का संधारण जिसकी मदद से पूर्ण परिसमापन, वैधानिक कार्यवाही, स्थापना आदि के विगत 10 वर्षों के विवरण तत्काल ज्ञात किये जा सकें, जैसे काम हों। साथ ही शौचालयों की सफाई एवं कार्यालयीन कक्षों में रोशनी एवं साज-सज्जा की जायें। विभाग एवं संस्थाओं के अधिकारी-कर्मचारी जिला कार्यालय में एकत्रित हों। उसके बाद अंतर्राष्ट्रीय सहकारिता वर्ष पर विशेष साफ-सफाई आयोजन के बैनर के साथ एक रैली निर्धारित स्थल जिला सहकारी बैंक, अन्य सार्वजनिक स्थल अथवा किसी संस्था कार्यालय तक सहकारिता एवं स्वच्छता विषयक नारे लगाते हुये निकाली जायें। इस आयोजन के बाद कार्यालय/संस्थावार फोटोग्राफ्स की प्रति वाहटएप पर तथा हार्ट कॉपी मुख्यालय को अनिवार्य रूप से भेजने के निर्देश दिये हैं।  

लॉस एंजिल्स के जंगल में आग लगने से 164 अरब डॉलर का नुकसान, सामने आई रिपोर्ट

लॉस एंजिल्स अमेरिका की लॉस एंजिल्स काउंटी (Los Angeles County) में जंगल की आग पर जारी एक नई रिपोर्ट में भारी नुकसान नुसारन बताया गया है। खबरों के अनुसार, जंगल की आग पर जारी एक नई रिपोर्ट के अनुसार इससे कुल 164 अरब अमेरिकी डॉलर की संपत्ति और पूंजी (Property and Capital) तक का नुकसान हुआ है। कैलिफोर्निया विश्वविद्यालय (University of California ), लॉस एंजिल्स (यूसीएलए) द्वारा मंगलवार को प्रकाशित रिपोर्ट के अनुसार, पैलिसेड्स और ईटन की आग (The Palisades and Eaton’s Fire) से होने वाली कुल संपत्ति और पूंजीगत हानि 95 अरब डॉलर से 164 अरब डॉलर के बीच हो सकती है, जिसमें बीमाकृत नुकसान 75 अरब डॉलर होने का अनुमान है। यूसीएलए एंडरसन फोरकास्ट के अर्थशास्त्री झियुन ली और विलियम यू (Economists Zhiyun Li and William Yu) द्वारा लिखित रिपोर्ट में 2025 के लिए काउंटी-स्तरीय सकल घरेलू उत्पाद (county-level GDP) में 0.48 प्रतिशत की हानि का अनुमान लगाया गया है, जो लगभग 4.6 अरब डॉलर है और प्रभावित क्षेत्रों में स्थानीय व्यवसायों एवं कर्मचारियों की कुल वेतन हानि 29.7 करोड़ डॉलर है। रिपोर्ट में कहा गया कि जंगल की आग का पर्याप्त एवं प्रभावी शमन और निवेश के बिना, कैलिफ़ोर्निया वासियों को तेजी से उच्च बीमा प्रीमियम एवं उत्पन्न प्रदूषण के कारण बढ़ते स्वास्थ्य जोखिमों (health risks) का सामना करना पड़ेगा। लॉस एंजिल्स आवास बाजार विशेष रूप से किराये की इकाइयों के लिए तेजी से पहुंच से बाहर हो जाएगा। यूसीएलए एंडरसन स्कूल ऑफ मैनेजमेंट (UCLA Anderson School of Management)की वेबसाइट के अनुसार, यूसीएलए एंडरसन पूर्वानुमान कैलिफोर्निया एवं देश के लिए सबसे व्यापक रूप से देखे जाने वाले और प्रायः उद्धृत आर्थिक दृष्टिकोणों में से एक है।

मुख्यमंत्री डॉ. यादव आईपीएस मीट की सांस्कृतिक संध्या में पहुंचे

भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव भारतीय पुलिस सेवा समागम : 2025 के अंतर्गत पुलिस ऑफीसर्स मेस परिसर में शुक्रवार की शाम आयोजित सांस्कृतिक संध्या में शामिल हुए। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने सांस्कृतिक संध्या में शास्त्रीय नृत्य की कलाकार सुलता सिंह मुंशी एवं अन्य कलाकारों द्वारा प्रस्तुत नृत्य एवं नाट्य प्रस्तुतियां देखीं। उन्होंने प्रस्तुत कार्यक्रमों की सराहना की। इस अवसर पर पुलिस महानिदेशक कैलाश मकवाना सहित भारतीय पुलिस सेवा के वर्तमान और सेवानिवृत आईपीएस अधिकारी परिजन के साथ उपस्थित थे।  

पांचवीं-आठवीं बोर्ड परीक्षा: परीक्षा केंद्र स्कूल से तीन किमी के अंदर ही होंगे और एक केंद्र पर 250 से अधिक विद्यार्थी शामिल नहीं होंगे

भोपाल मध्य प्रदेश के सरकारी स्कूलों में पांचवीं-आठवीं की बोर्ड परीक्षा 24 फरवरी से आयोजित हो रही है। इस बार हर जनशिक्षा केंद्र के तहत पांच केंद्र बनाए जाएंगे। परीक्षा केंद्र स्कूल से तीन किमी के अंदर ही होंगे और एक केंद्र पर 250 से अधिक विद्यार्थी शामिल नहीं होंगे। विशेष परिस्थितियों में राज्य शिक्षा केंद्र को सूचित करते हुए जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी की अनुमति से परीक्षा केंद्रों की संख्या बढ़ाई जा सकेगी। इस बार परीक्षा के लिए राज्य व जिला स्तर पर नियंत्रण कक्ष भी बनाया जाएगा। परीक्षा से संबंधित कोई भी शिकायत यहां दर्ज कराई जा सकती है। इस संबंध में राज्य शिक्षा केंद्र ने दिशा-निर्देश जारी कर दिए हैं। इसमें निर्देशित किया गया है कि इस बार डिटेंशन पॉलिसी भी लागू होगी। बता दें कि इस बार परीक्षा में सरकारी व निजी स्कूलों के करीब 24 लाख विद्यार्थी शामिल होंगे। डिटेंशन पॉलिसी लागू होगी कक्षा 5वीं व 8वीं की परीक्षा में निर्धारित अर्हकारी अंक प्राप्त नहीं करने वाले विद्यार्थियों को पुन: परीक्षा का अवसर दिया जाएगा। इसके लिए दो माह बाद पुन: परीक्षा आयोजित होगी। पुन: परीक्षा में भी अनुत्तीर्ण विद्यार्थियों को उसी कक्षा में रोके जाने (डिटेंशन पालिसी) का प्रविधान होगा। प्रत्येक विषय में लिखित परीक्षा 60 अंक का होगा, जिसमें 33 प्रतिशत यानी 20 अंक लाने होंगे। उससे कम अंक लाने वाले बच्चों को पुन: परीक्षा देनी होगी। इसके बाद भी कोई फेल हो जाता है तो उसे उसी कक्षा में रोक लिया जाएगा। नियमितता व कर्तव्यनिष्ठा पर भी मिलेगी ग्रेड स्कूलों में आयोजित गतिविधियों में विद्यार्थी की उपलब्धि पर स्कूल से ग्रेड दी जाएगी। यह कक्षा शिक्षक देंगे। इसमें नियमितता, समयबद्धता, सहयोग की भावना, पर्यावरण के प्रति संवेदनशीलता, कर्तव्यनिष्ठा व ईमानदारी का आकलन भी होगा। इसके अलावा साहित्यिक, सांस्कृतिक, विज्ञान, सृजनात्मक, खेलकूद पर भी ग्रेडिंग की जाएगी। स्कूलों को ग्रेड व अंक 15 फरवरी तक आनलाइन भरकर राज्य शिक्षा केंद्र को भेजने होंगे। वहीं पांचवीं के परीक्षार्थियों के लिए अतिरिक्त भाषा वैकल्पिक है। इस कारण अतिरिक्त भाषा के प्राप्तांकों को वार्षिक परिणाम में नहीं जोड़ा जाएगा।   नकल करते पकड़े जाने पर परीक्षा होगी निरस्त अगर कोई विद्यार्थी नकल करते या अनुचित साधनों का प्रयोग करते पकड़ा जाएगा तो उसकी परीक्षा निरस्त कर दी जाएगी। उसकी उत्तरपुस्तिका का मूल्यांकन नहीं किया जाएगा। एक घंटे के अंदर उत्तरपुस्तिकाओं को जमा करना होगा यह भी निर्देशित किया गया है कि परीक्षा के दिन जनशिक्षा केंद्र से 45 मिनट पहले केंद्रों पर केंद्राध्यक्ष की उपस्थिति में प्रश्नपत्रों का बंडल वितरित किया जाएगा। परीक्षा समाप्त होने के बाद सभी केंद्रों से एक घंटे के अंदर उत्तरपुस्तिकाओं को जनशिक्षा केंद्र पर जमा कराना होगा।

मुख्यमंत्री डॉ. यादव द्विवेदी परिवार के विवाह समारोह में हुए शामिल

भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. यादव द्विवेदी परिवार के विवाह समारोह में हुए शामिल भोपाल 07 फरवरी 2025 मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव इंदौर में पूर्व अतिरिक्त महाधिवक्ता मनोज द्विवेदी के यहाँ आयोजित विवाह समारोह में शामिल हुए। उन्होंने सौभाग्य कां. दिव्यांशी और चिरंजीव कार्तिक को विवाह बंधन में बँधने पर शुभाशीष प्रदान किया। इस अवसर पर सांसद वी.डी. शर्मा और शंकर लालवानी सहित जन-प्रतिनिधि उपस्थित थे।  

छतरपुर जिले में शुरू होगा सबसे पहला ड्राइविंग सेंटर, इस माह सीआईआरटी पुणे से तीन अलग-अलग टीम सेंटर की जांच करने आएंगी

भोपाल मध्य प्रदेश में सबसे पहला ड्राइविंग सेंटर छतरपुर जिले में शुरू होगा। इस माह सेंट्रल इंस्टिट्यूट आफ रोड ट्रासपोर्ट(सीआईआरटी)पुणे से तकनीकी, फाइनेंस, सुपरविजन की तीन अलग-अलग टीम सेंटर की जांच करने आएंगी। सेंटर से मिलेगा प्रमाण पत्र सीआईआरटी से हरी झंडी मिलने के बाद परिवहन विभाग की देखरेख में तपस्या साई बाबा जन कल्याण शिक्षा प्रसाद समिति ट्रेनिंग सेंटर का संचालन शुरू करेगी। इसके बाद से सेंटर से प्रमाण पत्र के अधार पर आरटीओ की ओर से परमानेंट ड्राइविंग लाइसेंस जारी किए जाएंगे। इस नई व्यवस्था से ड्राइविंग लाइसेंस बनाने की प्रक्रिया और बेहतर व पारदर्शी होगी। समिति के संचालक डॉ. आरके चतुर्वेदी ने बताया कि छतरपुर में सेंटर का काम पूरा हो चुका है। पब्लिक प्राइवेट पार्टनशिप(पीपीपी)मोड पर छतरपुर में रीजनल ड्राइविंग ट्रेनिंग सेंटर(आरडीटीसी)बनकर तैयार है। सड़क हादसों को कम करना है उद्देश इसमें साढ़े पांच एकड़ जमीन व छह करोड़ रुपये से अधिक खर्चा आया है। केंद्र सरकार के सहयोग से सड़क हादसों को कम करने के उद्देश्य से सेंटर शुरू किए जा रहे हैं। जिससे कुशल ट्रेनिंग लेने वालों के ही ड्राइविंग लाइसेंस बन सकें। संचालन शुरू करने के लिए पुणे से सीआईआरटी की अनुमति मिलनी है। संभवत: दो महीने में सेंटर का संचालन शुरू होने की उम्मीद हैं। भोपाल में 60 प्रतिशत काम पूरा भोपाल में भी रीजनल ड्राइविंग ट्रेनिंग सेंटर(आरडीटीसी)का निर्माण हो रहा है। बंगरसिया में साढ़े पांच एकड़ जमीन में सेंटर बन रहा है। इसके लिए शासन से 5.5 करोड़ और 92 लाख संबंधित एजेंसी पैसा लगा रही है। इस वर्ष में भोपाल का सेंटर भी शुरू हो सकता है। इसके अलावा बैतूल में भी आरडीटीसी का काम शुरू होना है। मध्य प्रदेश के तीन जिलों में डिस्ट्रिक्ट ड्राइविंग ट्रेनिंग सेंटर(डीडीटीसी)बनेंगे। इनमें सतना, दमोह, सिंगरौली को शामिल किया गया। पन्ना में भी डीटीसी बनना है। पायलट प्रोजेक्ट के रूप में यह व्यवस्था सफल होने पर प्रदेश के सभी जिलों में भविष्य में आरडीटीसी व डीडीटीसी शुरू होंगे। फिर क्षेत्रीय व जिला परिवहन अधिकारी सेंटरों से मिलने वाले ट्रेनिंग प्रमाण पत्रों के आधार पर परमानेंट ड्राइविंग लाइसेंस जारी किया करेंगे।

slot server thailand super gacor

spaceman slot gacor

slot gacor 777

slot gacor

Nexus Slot Engine

bonus new member

olympus

situs slot bet 200

slot gacor

slot qris

link alternatif ceriabet

slot kamboja

slot 10 ribu

https://mediatamanews.com/

slot88 resmi

slot777

https://sandcastlefunco.com/

slot bet 100

situs judi bola

slot depo 10k

slot88

slot 777

spaceman slot pragmatic

slot bonus

slot gacor deposit pulsa

rtp slot pragmatic tertinggi hari ini

slot mahjong gacor

slot deposit 5000 tanpa potongan

mahjong

spaceman slot

https://www.deschutesjunctionpizzagrill.com/

spbo terlengkap

cmd368

368bet

roulette

ibcbet

clickbet88

clickbet88

clickbet88

bonus new member 100

slot777

https://bit.ly/m/clickbet88

https://vir.jp/clickbet88_login

https://heylink.me/daftar_clickbet88

https://lynk.id/clickbet88_slot

clickbet88

clickbet88

https://www.burgermoods.com/online-ordering/

https://www.wastenotrecycledart.com/cubes/

https://dryogipatelpi.com/contact-us/

spaceman slot gacor

ceriabet link alternatif

ceriabet rtp

ceriabet

ceriabet link alternatif

ceriabet link alternatif

ceriabet login

ceriabet login

cmd368

sicbo online live

Ceriabet Login

Ceriabet

Ceriabet

Ceriabet

Ceriabet

casino online

clickbet88

login kudahoki88

Ceriabet

Ceriabet

Ceriabet