LATEST NEWS

शुक्रवार 07 मार्च 2025: बदल जाएगी इन राशियों की किस्मत, मिलेगी बड़ी सफलता

मेष राशि- अपनी लव लाइफ में संतुष्ट रहें। आरोप लगाने से बचें और पूरे दिन शांत रहें। अपनी हेल्थ को प्राथमिकता देने से आप पाएंगे कि चीजें स्वाभाविक रूप से सही होने लगती हैं। सेल्फ-लव पर फोकस करने वाला दिन है। वृषभ राशि- आज अवसरों को खुले दिल से अपनाना जरूरी है। गलतफहमी के चलते अन-बन हो सकती है। काम का बहुत ज्यादा प्रेशर न लें। मुश्किलें आती-जाती रहती हैं। लव के मामले में सितारे आपके साथ हैं। मिथुन राशि- आज सकारात्मक ऊर्जा आपके चारों ओर है, जो विकास को बढ़ावा देती है। आज का दिन रिलेशन में बैलेंस खोजने पर फोकस करता है। अपने विचारों और इरादों को क्लियर करें। खर्च बढ़ सकते हैं। कर्क राशि- आज इमोशनल और प्रोफेशनल चुनौतियों से निपटने के लिए अलर्ट रहना आवश्यक है। आज के ग्रहों की स्थिति विकास को बढ़ावा देता है, जो पर्सनल और प्रोफेशनल क्षेत्रों में काम के साथ इच्छाओं को बैलेंस करने की चुनौती देता है। सिंह राशि- आज नए अवसर खुद ही आपके सामने आएंगे, जिससे महत्वपूर्ण बदलाव आएगा। परिवर्तन को स्वीकार करें। दिन क्रिएटिव रहेगा। विकास के अवसरों की ओर इशारा कर रहा है। बस तनाव लेने से बचें। कन्या राशि- आज हंसी साझा करने और नई यादें बनाने से आपके बंधन मजबूत होंगे। ऑफिस में दूसरों के साथ असहमति या टकराव होना स्वाभाविक है, प्रोडक्टिविटी बनाए रखना आवश्यक है। तुला राशि- कार्य अक्सर शब्दों के मुकाबले ज्यादा जोर से बोलते हैं। दूसरों के व्यवहार को देखकर, सतर्क रहकर, आप धोखे से खुद को बचा सकते हैं। आज नई चुनौतियों को खुली बांहों के साथ स्वीकार करें। वृश्चिक राशि- परिवार हमारे दिल में एक विशेष स्थान रखता है, और उन परंपराओं और यादों को संजोना महत्वपूर्ण है जो हमें एक साथ बांधती हैं। पार्टनर की भावनाओं का सम्मान करने के लिए आज समय निकालें। धनु राशि- आज बाधाओं का डटकर मुकाबला करने और विपरीत परिस्थितियों में डटे रहने से, आप पहले से कहीं अधिक मजबूत और सफल होकर उभरेंगे। शब्दों के बजाय लोगों के कार्यों पर ध्यान दें। मकर राशि- आज स्वास्थ्य को प्राथमिकता दें। अपनी क्षमताओं पर भरोसा रखें और अपने लक्ष्यों पर ध्यान केंद्रित रखें। पर्सनल और प्रोफेशनल ग्रोथ को बढ़ावा देने वाला क्रिएटिव दिन आपका इंतजार कर रहा है। कुंभ राशि- आज सकारात्मक रहें। आज का दिन परिवर्तनकारी अवसर लेकर आता है। बदलावों को अपनाएं और खुलकर बात करें। प्रेम और करियर की संभावनाएं उज्ज्वल होंगी। धन को बुद्धिमानी से मैनेज करें। मीन राशि- जीवन में कभी-कभी हमें उन लोगों या सिचूऐशन को छोड़ देना चाहिए, जो अब हमारे लिए उपयोगी नहीं हैं, भले ही यह मुश्किल हो। भरोसा रखें कि समय घाव को भर देगा और आपको बेहतर चीजों की ओर आगे ले जाएगा।

फर्जी कॉल सेंटर से 5 लाख की रिश्वत लेने के आरोप में भोपाल के ऐशबाग थाना प्रभारी सहित चार पुलिसकर्मी निलंबित

भोपाल फर्जी कॉल सेंटर से देशभर में लोगों के साथ ठगी करने वाले गिरोह को बचाने की कोशिश करने के आरोप में भोपाल के ऐशबाग थाना प्रभारी सहित चार पुलिसकर्मी निलंबित किए गए हैं। वहीं, अधिकारियों के निर्देश के बाद पुलिस ने एक एएसआई के घर पर छापा मारकर रिश्वत के पांच लाख रुपये भी बरामद किए हैं। एएसआई को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है। जांच में सामने आया है कि ऐशबाग के प्रभात चौराहे पर संचालित फर्जी कॉल सेंटर का मास्टर माइंड अफजल का साला टीकमगढ़ निवासी मोईन खान निकला है, लेकिन उसे ऐशबाग थाना प्रभारी आरोपित बनाने के लिए तैयार नहीं थे। वह अपने थाने के पूर्व में लाइन हाजिर किए गए एएसआई पवन रघुवंशी और तीन पुलिसकर्मियों के साथ सांठगांठ कर उसे बचाने में लगे थे। एएसआई पवन ने 25 लाख रुपये में सौदा तय किया था, जिसकी पहली किस्त देने के लिए आरोपित भोपाल आया तो क्राइम ब्रांच और एसीपी जहांगीराबाद की टीम ने उसे गिरफ्तार कर लिया। बाद में एएसआई के घर पर पुलिस ने छापा मारकर रिश्वत के पांच लाख रुपये बरामद की। मामला सामने आने के बाद पुलिस कमिश्नर ने टीआई समेत चार पुलिसकर्मियों को निलंबित कर दिया। तीन लड़कियों ने दर्ज कराई थी शिकायत कॉल सेंटर में काम करने वाली तीन लड़कियों ने थाने आकर पुलिस में शिकायत की थी कि उन्हें वेतन नहीं दिया जा रहा है। इस पर ऐशबाग पुलिस ने कॉल सेंटर में जाकर पड़ताल की तो 25 सिम का एक बाक्स मिला था। पकड़ने के बाद छोड़ दिया पुलिस की जांच में पता चला कि कॉल सेंटर संचालक अफजल खान के मोबाइल नंबर और बैंक खाते का उपयोग महाराष्ट्र में की गई साइबर ठगी में किया गया है। इस पर पुलिस ने कॉल सेंटर में दबिश दी और अफजल के बेटे को पकड़ा पर बाद में छोड़ दिया। रिमांड पर लेकर पूछताछ जारी पुलिस उच्चाधिकारियों ने निर्देशित किया तो ऐशबाग पुलिस ने कॉल सेंटर संचालक और उसकी बेटी पर एफआईआर दर्ज कर सोमवार को अफजल खान को गिरफ्तार किया गया। उसे रिमांड पर लेकर पूछताछ कर रही थी। इस दौरान कॉल सेंटर के कर्मचारियों के खाते में एक करोड़ से ज्यादा का लेनदेन सामने आया। मामले की जांच में एएसआई पवन रघुवंशी की लापरवाही सामने आने पर उसे पहले ही लाइन हाजिर कर दिया गया था। क्राइम ब्रांच को लगाया पीछे एएसआई पवन रघुवंशी की इस मामले में लाइन हाजिर होने के बाद भी जरूरत से ज्यादा सक्रियता जहांगीराबाद एसीपी सुरभि मीणा को संदिग्ध लग रही थीं, इसलिए उन्होंने क्राइम ब्रांच से मदद लेकर एएसआई की निगरानी कराई। पुलिस को पता चला कि पवन रघुवंशी, ऐशबाग थाने के टीआई जितेंद्र गढ़वाल, हवलदार धर्मेंद्र सिंह और एएसआई मनोज कुमार के संपर्क में है। इस दौरान अफजल के साले मुबीन खान का लिंक मिल गया था। मास्टर माइंड को बचाने के लिए 25 लाख में सौदा एएसआई पवन रघुवंशी ने मामले की जांच में यह पता कर लिया था कि कॉल सेंटर साइबर ठगी का संचालक अफजल खान तो सिर्फ मोहरा है। पूरे गिरोह का मास्टर माइंड मोईन खान है। पवन ने मोईन से बात की उसे इस पूरे मामले में बचाने के लिए 25 लाख रुपये में सौदा तय कर लिया था। रात में लोकेशन ट्रेस, सुबह कार्रवाई सौदेबाजी की शर्तों के तहत मोईन खान मंगलवार रात में पहली किस्त देने भोपाल आ गया। पुलिस ने उसे ट्रेस किया और बुधवार सुबह अप्सरा टाकीज प्रभात चौराहे पर उसकी घेराबंदी की। वहां पवन रघुवंशी अपनी गाड़ी से पहुंचा और उतरकर मोईन की गाड़ी में बैठ गया।

राजगढ़ से सालाना 12 लाख रुपये पर ले जाते थे किशोर, शादियों में चोरी करना था टारगेट

राजगढ़ दिल्ली में क्राइम ब्रांच ने एक ऐसे गिरोह को पकड़ा है, जो 9 से 15 साल के किशोरों से शादियो में चोरियां करवाता था। गिरोह मध्य प्रदेश के राजगढ़ जिले के बोला थाना इलाके के गुलखेड़ी गांव से चलाया जा रहा था। इसमें किशोरों को शामिल करने के बादल उनके परिवार को सालाना 10 से 12 लाख रुपये का लालच दिया जाता था। क्राइम ब्रांच की एक टीम ने तीन आरोपितों की गिरफ्तारी और एक नाबालिग को पकड़ने के साथ ‘बैंड बाजा बारात’ गिरोह का भंडाफोड़ किया है। ये लोग शादी समारोहों से शगुन, गहने और नकदी से भरे हुए बैग चुराते थे। क्राइम ब्रांच ने इसके साथ शादी समारोहों में हुई चोरी के तीन केस को सुलझाने का दावा भी किया है। इनके कब्जे से चोरी की गई 2,14,00 रुपए कैश, एक मोबाइल फोन, एक जोड़ी पायजेब, 4 जोड़ी चुटकी और एक कमरबंद बरामद किए गए हैं। इनके पास से बरामद सभी गहनें चांदी के बताए जा रहे हैं। क्राइम ब्रांच के मुताबिक गिरोह, मध्य प्रदेश के राजगढ़ जिले से आता था और दिल्ली सहित उत्तर भारत में भव्य शादी समारोह में चोरी की वारदात को अंजाम देता था। दिल्ली में शादियों में हुई चोरी की तीन घटनाओं में ये गिरोह शामिल था।  

मध्य प्रदेश बाल अधिकार संरक्षण आयोग ने स्कूल शिक्षा विभाग को पत्र लिखकर अनुशंसा की थी, शिक्षकों पर होगी कार्रवाई

भोपाल प्रदेश के सरकारी और निजी स्कूलों में अब विद्यार्थियों के साथ मारपीट या शारीरिक सजा पर पूरी तरह से प्रतिबंध लगा दिया गया है। आदेश का पालन न करने वाले शिक्षकों व प्राचार्यों पर अनुशासनात्मक एवं कानूनी कार्रवाई की जाएगी। इस संबंध में मध्य प्रदेश बाल अधिकार संरक्षण आयोग ने स्कूल शिक्षा विभाग को पत्र लिखकर अनुशंसा की थी। इस संबंध में विभाग ने सभी जिलों के जिला शिक्षा अधिकारी (डीईओ) को इस संबंध में निर्देश जारी किए हैं। विभाग ने ऐसी शिकायतें आने पर संबंधित शिक्षकों को कार्रवाई के लिए कहा है। जिलों में होने वाली ऐसी घटनाओं की जानकारी भी तत्काल विभाग को भेजे जाने के निर्देश दिए हैं। इस संबंध में लोक शिक्षण संचालनालय (डीपीआई) ने शारीरिक दंड पर प्रतिबंध और कठोर कार्रवाई के निर्देश जारी किए। इसके लिए बाल आयोग ने चार फरवरी को स्कूल शिक्षा विभाग को पत्र लिखा था। स्कूल और शिक्षक के खिलाफ होगी कानूनी कार्रवाई डीपीआई ने निर्देश जारी करते हुए विद्यार्थियों के साथ स्कूलों में शारीरिक और मानसिक प्रताड़ना और भेदभाव की शिकायतों पर कानूनी कार्रवाई के निर्देश दिए हैं। निर्देश में कहा है कि शिक्षा के अधिकार अधिनियम (आरटीई) के तहत शारीरिक, मानसिक प्रताड़ना और भेदभाव पूरी तरह से प्रतिबंधित है और यह धारा 17 (2) के तहत दंडनीय अपराध भी है।इसके अलावा, आईपीसी की धारा 323 के तहत शारीरिक दंड पर प्रतिबंधित है। पत्र में कहा है कि सभी जिलों में चल रहे सरकारी और निजी स्कूलों में मारपीट, शारीरिक दंड जैसी घटनाओं पर रोक लगाने के लिए प्रयास किए जाएं। सभी डीईओ को यह निर्देश भी जारी किए गए हैं कि किसी भी स्कूल या शिक्षक द्वारा विद्यार्थियों को शारीरिक दंड या पीटने जैसे मामलों में तत्काल कार्रवाई करते हुए कानूनी कार्रवाई भी की जाए।  

मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा- भगवान श्रीकृष्ण पाथेय के संदर्भ में मध्यप्रदेश और राजस्थान सरकार एकमत है

भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि भगवान श्रीकृष्ण पाथेय के संदर्भ में मध्यप्रदेश और राजस्थान सरकार एकमत है। हम राजस्थान सरकार के साथ मिलकर श्रीकृष्ण पाथेय के विकास के लिए मिलकर काम करेंगे। भगवान श्रीकृष्ण के गुजरात गमन पथ के विकास के लिए हम गुजरात सरकार से सहयोग लेकर इस दिशा में काम करेंगे। मुख्यमंत्री ने कहा कि भगवान श्रीकृष्ण का ईश्वरीय स्वरूप तो स्तुत्य है ही, हमारी सरकार उनके दूसरे महत्वपूर्ण पक्षों को भी समाज के समक्ष प्रकाश में लाएगी। इसमें भगवान श्रीकृष्ण द्वारा उज्जैन में शिक्षा ग्रहण करना, सुदामा से मित्रता निभाना, वनवासी से प्रेम और गुरू-शिष्य परम्परा की मिसाल कायम करने जैसे प्रसंग शामिल है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव गुरुवार को (समत्व भवन) मुख्यमंत्री निवास में श्रीकृष्ण पाथेय के संबंध में विषय विशेषज्ञ समिति की बैठक की अध्यक्षता करते हुए संबोधित कर रहे थे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि श्रीकृष्ण पाथेय के विकास के लिए सभी समितियों को सक्रिय किया जाए। पुरातत्वविदों, धर्माचार्यों एवं भगवान श्रीकृष्ण साहित्य के अच्छे लेखकों को भी इस समिति में जोड़ा जाए। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि श्रीकृष्ण पाथेय के विकास के लिए भोपाल में आयोजित इस बैठक के अलावा उज्जैन और राजस्थान के जयपुर या भरतपुर या ब्रज या चौरासी कोस या अन्य किसी विशिष्ट स्थल पर समिति बैठकें की जाएं। इससे दोनों राज्यों में श्रीकृष्ण पाथेय के लिए सकारात्मक वातावरण का निर्माण होगा। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि पुरा इतिहास में भगवान श्रीकृष्ण का भारत देश (जम्बूद्वीप) के कई क्षेत्रों में आवागमन का उल्लेख मिलता है। समिति भगवान श्रीकृष्ण के उन सभी गमन स्थलों को चिन्हित कर इनका अभिलेखीकरण करें। उज्जैन के सांदीपनि आश्रम को श्रीकृष्ण पाथेय के विकास एवं विस्तार के लिए केन्द्र बिन्दु बनाया जा सकता है। बैठक में समिति के सदस्यों द्वारा बताया गया कि भगवान श्रीकृष्ण द्वारा लोक कल्याण के लक्ष्य पूर्ति के लिए यद्यपि मथुरा, उज्जैन, द्वारिका, ब्रज मंडल, मेवात, हाड़ौत, मालवा, निमाड़, गुजरात, राजस्थान, विदर्भ, महाराष्ट्र के अनेक क्षेत्रों की यात्राएं की गईं, तथापि उनकी यात्रा का प्रमुख केन्द्र उज्जैन ही रहा था। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि प्रदेश में धार्मिक त्यौहारों में सरकार की सहभागिता बढ़ी है। हमने दशहरे में शस्त्र पूजा, दीपावली पर गोवर्धन पूजा और हाल ही में गीता जयंती भी मनाई है। प्रदेश के 17 पवित्र/धार्मिक शहरों में हमने शराबबंदी लागू करने का निर्णय ले लिया है। इससे समाज में एक अच्छे संदेश का संचार हुआ है। बैठक में समिति के सदस्यों ने भी महत्वपूर्ण सुझाव रखे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि सरकार श्रीकृष्ण पाथेय के लिए फोकस्ड होकर काम करेगी। भविष्य में भगवान श्रीकृष्ण से जुड़ी अन्य लीलाओं को भी हम इस कार्य से जोड़ेंगे। बैठक में समिति के वरिष्ठ सदस्य राजस्थान सरकार में राज्यमंत्री दर्जा प्राप्त श्री ओंकार सिंह लखावत, महाराजा विक्रमादित्य शोधपीठ के पूर्व निदेशक पद्मश्री डॉ. भगवतीलाल राजपुरोहित, मुख्यमंत्री के संस्कृति सलाहकार डॉ. श्रीराम तिवारी, उज्जैन के डॉ. शैलेन्द्र शर्मा, डॉ. रमन सोलंकी सहित अन्य सभी सदस्यगण, मुख्यमंत्री कार्यालय में अपर मुख्य सचिव डॉ. राजेश राजौरा, अपर मुख्य सचिव उच्च शिक्षा श्री अनुपम राजन, अपर मुख्य सचिव श्री संजय शुक्ला, प्रमुख सचिव संस्कृति एवं पर्यटन श्री शिवशेखर शुक्ला सहित अन्य अधिकारी उपस्थित थे। कमिश्नर और कलेक्टर उज्जैन ने भी बैठक में वर्चुअली सहभागिता की।

वैश्विक चुनौतियों के बाद भी भारत की विकास दर वित्त वर्ष 26 में 6.5 प्रतिशत रह सकती है !, रिपोर्ट में दी गई जानकारी

नई दिल्ली अमेरिकी ट्रेड टैरिफ और वैश्विक अस्थिरता जैसी चुनौतियों के बाद भी भारत की वास्तविक सकल घरेलू उत्पाद (जीडीपी) विकास दर वित्त वर्ष 26 में 6.5 प्रतिशत रह सकती है। यह जानकारी गुरुवार को क्रिसिल द्वारा जारी की गई रिपोर्ट में दी गई। यह पूर्वानुमान दो मान्यताओं पर आधारित है। इनमें पहला सामान्य मानसून और दूसरा कमोडिटी की कीमतों में नरमी जारी रहना है। रिपोर्ट में कहा गया कि घटती महंगाई, आम बजट 2025-26 में टैक्स छूट की घोषणा और ब्याज दरों के कम होने से खपत बढ़ने की उम्मीद है। रिपोर्ट में बताया गया कि हाई फ्रीक्वेंसी डेटा जैसे परचेसिंग मैनेजर्स इंडेक्स (पीएमआई) डेटा के मुताबिक, भारत प्रमुख अर्थव्यवस्थाओं के बीच अपना शीर्ष स्थान बनाए हुए है। क्रिसिल के मैनेजिंग डायरेक्टर और सीईओ, अमीश मेहता ने कहा कि भारत की मजबूती की फिर से परीक्षा हो रही है। पिछले कुछ वर्षों में तेज आर्थिक विकास, कम चालू खाता घाटा और बाहरी सार्वजनिक ऋण और पर्याप्त विदेशी मुद्रा भंडार ने बाहरी झटकों से सुरक्षित रखने में मदद की है। साथ ही इससे पर्याप्त नीतिगत स्वतंत्रता भी मिली है। आगे कहा कि ग्रामीण क्षेत्र खपत का नेतृत्व कर रहा है, लेकिन छोटी अवधि की वृद्धि के लिए शहरी मांग जरूरी है। मेहता ने आगे कहा कि दूसरी ओर, निरंतर निवेश और दक्षता लाभ मध्यम अवधि में सहायक होंगे। हमें उम्मीद है कि वित्त वर्ष 2031 तक मैन्युफैक्चरिंग और सेवा दोनों क्षेत्र विकास को समर्थन देंगे। रिपोर्ट के अनुसार, वित्त वर्ष 2025-31 के दौरान मैन्युफैक्चरिंग क्षेत्र की वृद्धि दर औसतन 9.0 प्रतिशत रहने की उम्मीद है, जो महामारी के पूर्व दशक में औसतन 6 प्रतिशत थी। रिपोर्ट में अनुमान जताया गया कि सर्विसेज सेक्टर ग्रोथ को आगे बढ़ाने में अहम भूमिका निभाता रहेगा, लेकिन मैन्युफैक्चरिंग सेक्टर की हिस्सेदारी में बढ़ोतरी जारी रहेगी। वित्त वर्ष 26 में 20 प्रतिशत हो सकती है, जो कि वित्त वर्ष 25 में 17 प्रतिशत रहने का अनुमान है। इसके अलावा रिपोर्ट में बताया गया कि अगले वित्त वर्ष में रेपो रेट में 50 से 75 आधार अंकों की कटौती की जा सकती है।

सीएम गुप्ता ने व्यापारी संगठनों को आश्वासन दिया कि उनकी समस्याओं का समाधान किया जाएगा, महत्वपूर्ण सुझाव मिले

नई दिल्ली दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने बजट 2025-26 के लिए जनता से उनके सुझाव और अपेक्षाएं प्राप्त करने के उद्देश्य से एक कार्यक्रम आयोजित किया। इस कार्यक्रम में दिल्ली के विभिन्न व्यापारिक और औद्योगिक संगठनों के प्रतिनिधि शामिल हुए। सीएम गुप्ता ने बताया कि आज उन्हें व्यापार जगत से जुड़े कई महत्वपूर्ण और कीमती सुझाव प्राप्त हुए हैं। हमें दिल्ली के विभिन्न क्षेत्रों से आए व्यापारियों से उनके अनुभव और समस्याएं सुनने का अवसर मिला। इन सुझावों से यह समझने में मदद मिली कि पिछले कई सालों से व्यापारिक संगठनों को अफसरशाही और अव्यावहारिक नीतियों के कारण भारी परेशानियों का सामना करना पड़ा है। सीएम ने कहा कि व्यापारियों ने जो समस्याएं बताई हैं, उनमें सीवरेज की दिक्कतें, गली-मोहल्लों की खराब स्थिति, नालियों का जाम होना और खड़ंजा नहीं बनने जैसी बुनियादी समस्याएं शामिल हैं। इसके साथ ही इंडस्ट्रियल एरिया में आवश्यक सुधार नहीं होने, छोटे-छोटे मार्केट कॉम्प्लेक्स और बड़े बाजारों में शौचालय की कमी जैसी समस्याएं भी सामने आईं। मुख्यमंत्री ने व्यापारी संगठनों को आश्वासन दिया कि उनकी समस्याओं का समाधान किया जाएगा। उन्होंने कहा, “पूर्व सरकारों में केवल समस्याओं का प्रचार हुआ था, लेकिन हम कोशिश करेंगे कि इन समस्याओं का प्रभावी समाधान किया जाए और व्यापारियों की परेशानियों को दूर किया जाए।” इससे पहले भी महिला संगठनों के साथ मुख्यमंत्री ने मुलाकात कर उनके सुझाव और समस्याओं को जाना था। मुख्यमंत्री लगातार इस तरह का आयोजन कर लोगों से मिल रही हैं। यह बैठक दिल्ली के विकास में व्यापारियों और उद्योग जगत के सुझावों की अहमियत को दर्शाती है। सीएम गुप्ता ने इस बात का विश्वास दिलाया कि दिल्ली की उन्नति के लिए व्यापारियों के दर्द का उपचार किया जाएगा।

तेज रफ्तार XUV ट्रक से टकराई, 5 लोगों की मौत

रायपुर, राजधानी रायपुर के आरंग NH पर एक दर्दनाक सड़क हादसा सामने आया है। तेज रफ्तार में जा रही XUV कार डिवाइडर को तोड़ते हुए सामने से आ रहे ट्रक से टकरा गई। इस हादसे में XUV सवार 5 लोगों की मौके पर ही मौत हो गई। हादसा मंदिर हसौद थाना क्षेत्र में हुआ है, जहां XUV कार और ट्रक के बीच हुई टक्कर ने खौफनाक मंजर पैदा कर दिया। हादसे की सूचना मिलते ही पुलिस और आपातकालीन सेवाएं मौके पर पहुंची, लेकिन तब तक पांचों लोग अपनी जान गवां चुके थे। मृतकों की पहचान उरला रायपुर के निवासी के रूप में हुई है। हादसा इतना भयंकर था कि XUV की हालत बुरी तरह से खराब हो गई। हादसे के बाद घटनास्थल पर शवों को निकालने के लिए कड़ी मशक्कत करनी पड़ी। एक परिवार के थे सभी मृतक     पुलिस के मुताबिक कार में सवार सभी पांच लोग एक ही परिवार के थे। वे रायपुर से बाहर कहीं जा रहे थे। तभी अचानक कार के टायर में ब्लास्ट हो गया।     टायर फटने के बाद कार नियंत्रण खो बैठी और वह डिवाइडर क्रॉस करके विपरीत दिशा से आ रहे ट्रक से टकरा गई। हादसा इतना भीषण था कि कार में सवार सभी पांच लोगों की घटनास्थल पर ही मौत हो गई। पुलिस ने शुरू की हादसे की जांच घटना की जानकारी मिलते ही स्थानीय पुलिस और एम्बुलेंस घटनास्थल पर पहुंची और शवों को कब्जे में लिया। पुलिस ने घटना के बाद रोड सुरक्षा और हादसे के कारणों की जांच शुरू कर दी है।

उप मुख्यमंत्री शर्मा ने का कांग्रेस के फोन टेप होने वाले बयान पर किया पलटवार कहा – एकदम निराधार और बेकार की बातें हैं

रायपुर उप मुख्यमंत्री विजय शर्मा ने कांग्रेस नेताओं के फोन सर्विलॉन्स होने वाले आरोप पर सवाल किया कि क्यों करेंगे? क्या मसला है, कोई बात ही नहीं है, जबरदस्ती की बातें हैं. एकदम निराधार और बेकार की बातें हैं, ना कोई संभावना. उप मुख्यमंत्री विजय शर्मा ने इन आरोपों पर पलटवार करते हुए कहा कि कांग्रेसी बजट से डर गए हैं. बीजेपी को प्रचंड बहुमत मिला है. निरर्थक बातें कर रहे हैं. इस पर जब बीजेपी विपक्ष में थी तब उनके फोन टेप होने वाले बयान पर कहा कि कभी हुआ था, कभी कहा भी था. लगा तब कहा था, लेकिन ऐसी सुबह उठकर नहीं कहा था. कांग्रेस का यह बोलना औचित्यपूर्ण विषय है. दरअसल, एक दिन पहले ही पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने जासूसी के गंभीर आरोप लगाए थे. उन्होंने कहा था कि मेरा फोन भी सर्विलांस में है, मेरे बगल में खुफिया तंत्र के कर्मचारी खड़े रहते हैं, LIB के कर्मचारी पत्रकारवार्ता में मेरी बात को सुनते हैं. वहीं विपक्ष के बहिर्गमन को लेकर उप मुख्यमंत्री विजय शर्मा ने कहा कि लोकतंत्र है. बीजेपी लोकतंत्र का सम्मान करने वाले पार्टी है. जनादेश जो आ गया, सो आ गया. विष्णु देव की सरकार से नहीं सक पा रहे तो ईवीएम के बाद दूसरा शिगुफा छोड़ रहे हैं. बीजेपी की सरकार ना रुकेगी, ना रफ्तार रुकेगा.

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा- आयोग ने कहा मध्यप्रदेश का भविष्य है सुरक्षित हाथों में

भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि राज्यों के सशक्तिकरण में ही राष्ट्र का सशक्तिकरण है, इसलिए केन्द्रीय करों और राजस्व प्राप्तियों में राज्यों की हिस्सेदारी अर्थात् अनुदान बढ़ाया जाना चाहिए। राज्य अपनी क्षमता और सीमित संसाधनों से ही अपने लक्ष्यों की पूर्ति के लिए काम करते हैं। केन्द्र सरकार से अधिक वित्तीय अनुदान मिलने से राज्य अपने दीर्घकालीन लक्ष्यों को अल्पकाल में ही प्राप्त कर सकेंगे। विकसित भारत का निर्माण, विकसित मध्यप्रदेश के बिना नहीं हो सकता, इसलिए केन्द्रीय करों में राज्यों की हिस्सेदारी 44 प्रतिशत से बढ़ाकर 48 प्रतिशत तक की जाए। इससे राज्य सशक्त होंगे और राष्ट्र को विकास की ले जाने में सहायक होंगे। डॉ. यादव ने कहा कि मध्यप्रदेश एक बड़ा राज्य है, इसलिए इसकी जरूरतें भी बड़ी हैं। लोक कल्याणकारी राज्य की स्थापना करना ही केन्द्र और राज्य सरकारों का लक्ष्य है। केन्द्र और राज्यों के बेहतर तालमेल और आपसी सामंजस्य से यह लक्ष्य प्राप्त किया जा सकता है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव गुरुवार को कुशाभाऊ ठाकरे अंतर्राष्ट्रीय कन्वेंशन सेंटर में 16वें केन्द्रीय वित्त आयोग के अध्यक्ष और सदस्यों के साथ महत्वपूर्ण बैठक को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने आयोग के राज्य के दीर्घकालिक लक्ष्यों की प्राप्ति के लिए वित्तीय संसाधनों की आवश्यकता का जिक्र कर वित्त आयोग से प्रदेश की अपेक्षाओं से भी अवगत कराया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि मध्यप्रदेश देश का सर्वाधिक प्रगतिशील राज्य है। प्रदेश कृषि, अधोसंरचना, शिक्षा, स्वास्थ्य, वन, पर्यटन, नगरीय विकास और औद्योगिक विकास के क्षेत्र में तेजी से आगे बढ़ रहा है। इन क्षेत्रों में और अधिक विकास के लिए केन्द्र सरकार से और अधिक वित्तीय सहयोग/अनुदान की आवश्यकता है। उन्होंने कहा कि विकसित भारत में मध्यप्रदेश को भी योगदान देना है। हम विकसित मध्यप्रदेश का संकल्प पूरा करेंगे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि अभी हमारा बजट करीब साढ़े तीन लाख करोड़ रूपए है। अगले पांच सालों में हम इस बजट को बढ़ाकर दोगुना कर देंगे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने वित्त आयोग से कहा कि हम नदियों को जोड़कर जल बंटवारे के लिए पड़ोसी राज्यों के साथ मिलकर काम कर रहे हैं। पार्वती-कालीसिंध-चंबल (पीकेसी) नदी जोड़ो परियोजना में हमने राजस्थान के साथ मिलकर किया जा रहा हैं। केन्द्र सरकार ने इस राष्ट्रीय नदी जोड़ो परियोजना के लिए 90 हजार करोड़ रूपए आवंटित किए। इसी तरह केन-बेतवा लिंक राष्ट्रीय परियोजना के लिए उत्तरप्रदेश सरकार के साथ मिलकर कार्य किया जा रहा हैं। प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने दोनों राष्ट्रीय परियोजना का भूमि-पूजन कर मध्यप्रदेश को गौरव प्रदान किया है। अब महाराष्ट्र सरकार के साथ ताप्ती नदी परियोजना पर काम कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि आज से 20 साल पहले तक प्रदेश में केवल 7 लाख हेक्टेयर कृषि भूमि सिचिंत थी, आज प्रदेश की 48 लाख हेक्टेयर से अधिक कृषि भूमि को हम सिंचित कर चुके हैं। प्रदेश में नदी जोड़ो के लिए एक अभियान चला रहे हैं। किसानों के साथ हमारा आत्मीय संबंध है और खेतों तक पानी पहुंचाना हमारा पहला कर्तव्य है। हमारी नीतियों के कारण किसानों का जैविक खेती की ओर तेजी से रूझान बढ़ा है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि हमारी 18 नई औद्योगिक नीतियों के कारण निवेशक भी जुड़ रहे हैं। आरआईसी और जीआईएस-भोपाल के जरिए प्रदेश को 30.77 लाख करोड़ रूपए के निवेश प्रस्ताव मिले हैं। यह निवेशकों का मध्यप्रदेश पर बढ़ते विश्वास का प्रतीक है। हम प्रदेश के हर जिला कलेक्ट्रेट में उद्योग प्रकोष्ठ बना रहे हैं, इससे किसी निवेशकों की जिला स्तर पर भी कठिनाई हल की जा सकेंगी। हम प्रदेश में व्यापार और व्यवसाय को सुगम बना रहे हैं। इसमें सभी का सहयोग लेंगे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि हम प्रदेश में हरसंभव तरीके से दूध उत्पादन को बढ़ावा देंगे। हमारी कोशिश है कि देश का 20 प्रतिशत से अधिक दूध मध्यप्रदेश में उत्पादित हो, इससे हमारे किसान और पशुपालक दोनों सम्पन्न होंगे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि युवा शक्ति की ऊर्जा का भरपूर उपयोग भी हम कर रहे हैं। पंचशील सिद्धांतों का पालन करते हुए जन, जल, जंगल, जमीन और जैविक विविधता का संरक्षण हमारा प्राथमिक लक्ष्य है। उन्होंने कहा कि जंगल बचेंगे, तो जल बचेगा और जल बचेगा, तो जन-जीवन बचेगा। हम जैविक संपदा को संरक्षित रखने के लिए भी हर जरूरी प्रयास कर रहे हैं। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि हम प्रदेश के किसानों को आत्मनिर्भर बनाने के लिए अगले तीन सालों में 30 लाख किसानों को सोलर पम्प दिये जायेंगे। इससे हमारे किसान अन्नदाता के साथ-साथ ऊर्जादाता भी बनेंगे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि हमारी सरकार किसानों को मात्र पांच रूपए में बिजली का स्थाई कनेक्शन देने जा रही है, इससे हमारे किसानों को बिजली कनेक्शन के लिए कहीं भी भटकना नहीं पड़ेगा। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने वित्त आयोग को मध्यप्रदेश में बीते एक वर्ष में किए गए नवाचारों की जानकारी भी दी। उन्होंने बताया कि हमारी सरकार ने एयर एम्बुलेंस सेवा प्रारंभ की है। इससे बीते एक साल में कई गंभीर मरीजों को एयरलिफ्ट कर बड़े अस्पतालों तक पहुंचाकर उनका जीवन बचाया गया। हमारी इस सेवा को बेहद अच्छा प्रतिसाद मिला है।

विद्यालयों में शिक्षा की गुणवत्ता सुधार के लिये राष्ट्रीय शिक्षा नीति का प्रभावी क्रियान्वयन

भोपाल प्रदेश के विद्यालयों में शिक्षा की गुणवत्ता में सुधार के लिये राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 का क्रियान्वयन स्कूल शिक्षा विभाग द्वारा प्रभावी तरीके से किया जा रहा है। नीति के क्रियान्वयन के लिये राज्य शासन द्वारा आयुक्त और संचालक स्तर की अध्यक्षता में वरिष्ठ अधिकारियों की 14 समितियाँ गठित की गयी हैं। यह समितियाँ राष्ट्रीय शिक्षा नीति के विभिन्न ग्रुप और क्षेत्रों से संबंधित हैं। राज्य शासन ने स्कूल शिक्षा मंत्री की अध्यक्षता में टॉस्क फोर्स का गठन किया है। इसमें स्कूल शिक्षा विभाग के वरिष्ठ अधिकारी पदेन सदस्य हैं। समिति में शासकीय एवं अशासकीय शिक्षाविदों को भी शामिल किया गया है। सदस्यों के बीच परिचर्चा राष्ट्रीय शिक्षा नीति एवं क्रियान्वयन के लिये सदस्यों के बीच परिचर्चा भी करायी गयी है। इसमें अजीम प्रेमजी फाउण्डेशन के साथ समन्वय में विशेषज्ञ के उद्बोधन कराये गये हैं। उन्मुखीकरण के दौरान एनसीईआरटी के विभागाध्यक्ष द्वारा राष्ट्रीय पाठ्यचर्या फाउण्डेशनल (एनसीएफ) स्टेज विकास प्रक्रिया और राज्य पाठ्यचर्या फाउण्डेशनल (एससीएफ) स्टेज के बारे में भी जानकारी दी गयी है। केन्द्र सरकार द्वारा राष्ट्रीय शिक्षा नीति के दिशा-निर्देश अनुसार न्यू एजुकेशन पॉलिसी (एनईपी) ट्रैकर को नियमित रूप से अपडेट किया जा रहा है। समतामूलक और समावेशी शिक्षा राज्य में विशेष आवश्यकता वाले चिल्ड्रन विथ स्पेशल नीड्स (सीडब्ल्यूएसएन) 9550 नये बच्चों की पहचान एवं उनका कक्षा-9 से 12 में नामांकन सुनिश्चित किया गया है। इसी के साथ विशेष आवश्यकता वाले बच्चों के शिक्षण के लिये प्रदेश में 8500 शिक्षकों को वर्ष 2024 में 2 सत्रों में विशेष प्रशिक्षण भी दिलाया गया है। सभी विकासखण्डों में स्कूल शिक्षा विभाग द्वारा संसाधन केन्द्र विकसित किये गये हैं। व्यावसायिक शिक्षा पर जोर नई शिक्षा नीति में विद्यालयों में व्यावसायिक शिक्षा देने पर जोर दिया गया है। प्रदेश में 2383 विद्यालयों में व्यावसायिक शिक्षा संचालित की जा रही है। इनमें करीब 4 लाख विद्यार्थियों का इनरोलमेंट किया गया है और उन्हें 14 ट्रेड में व्यावसायिक शिक्षा देने की व्यवस्था की गयी है। प्रदेश के 798 हायर सेकेण्डरी विद्यालयों में कृषि संकाय और 465 हायर सेकेण्डरी स्कूलों में कृषि ट्रेड संचालित किये जा रहे हैं। स्टार्स प्रोजेक्ट के अंतर्गत 100 विद्यालयों में नियमित छात्रों के साथ-साथ ड्रॉपआउट विद्यार्थियों की भी व्यावसायिक शिक्षा प्रारंभ की गयी है। प्रदेश के प्रत्येक सीएम राइज विद्यालय में 2 वोकेशनल ट्रेड्स के लिये लैब निर्मित की जा रही है। विभाग के 52 सीएम राइज विद्यालयों में रोबोटिक्स लैब की स्थापना भी करायी गयी है। वर्तमान में संचालित आईटी कोर्सेस के अलावा पं. सुंदरलाल शर्मा इंस्टीट्यूट ऑफ वोकेशनल एजुकेशन के सहयोग से एआई कोडिंग जैसे नवीन पाठ्यक्रम तैयार किये जा रहे हैं। ट्यूनिंग ऑफ स्कूल के अंतर्गत 520 विद्यालयों की ट्यूनिंग की गई है, जिसके अंतर्गत यह विद्यालय आपस में बेस्ट प्रैक्टिस का आदान-प्रदान करते हैं।  

अब अमेरिका में सालों से बसे हजारों भारतीयों के आगे बेदखली का खतरा, कई तलाशने लगे ठिकाने

वॉशिंगटन अमेरिका में पिछले दिनों करीब 500 भारतीयों को डिपोर्ट करके तीन फ्लाइट्स में भारत भेजा गया है। ये लोग अमेरिका में अवैध दस्तावेजों के साथ चले गए थे। लेकिन अब एक नया विवाद खड़ा होने वाला है। हजारों ऐसे भारतीयों के सामने अमेरिका से वापसी का खतरा मंडराने लगा है, जो नाबालिग के तौर पर अमेरिका पहुंचे थे। इन लोगों को H-4 वीजा पर अमेरिका में रहने का मौका मिला था। अब ये 21 साल के होने वाले हैं तो इनका भविष्य अंधकार में है। अमेरिका में मौजूदा प्रवासी कानून के अनुसार नाबालिग के तौर पर आए लोगों को उनके एच-1बी वीजा होल्डर पैरेंट्स पर निर्भर यानी डिपेंटेडेंट घोषित नहीं किया जा सकता। ऐसा करने से उन्हें वहां बने रहने की परमिशन मिल सकती थी। अब तक उन्हें दो साल का मौका मिलता था और इस दौरान वे अपने वीजा का स्टेटस बदलवा लेते थे। लेकिन अब वीजा नीति में बदलाव ने उनके भविष्य को अंधकार में धकेल दिया है। कई लोग पहले से ही विकल्प की तलाश में जुटे हैं। कुछ लोग कनाडा, ब्रिटेन जैसे देशों में जाने की तैयारी में हैं, जहां बसने को लेकर नीतियां थोड़ी लचीली हैं। दरअसल अमेरिका में रोजगार आधारित ग्रीन कार्ड का एक लंबा बैकलॉग है। ऐसे में नए आवेदकों को नागरिकता मिल पाना तत्काल तो मुश्किल ही है। अमेरिकी नागरिकता और प्रवासी सेवा विभाग ने हाल ही में एच-1बी वीजा के लिए रजिस्ट्रेशन पीरिडयन का ऐलान किया है। यह प्रक्रिया 7 मार्च से 24 मार्च तक ही चलने वाली है। एच-1बी वीजा उन लोगों के लिए होता है, जो गैर-प्रवासी होते हैं। इसके तहत अमेरिकी कंपनियों को विदेशी लोगों को नौकरी देने की मंजूरी दी जाती है। यह नौकरियां तकनीकी और विषय की विशेषज्ञता को आधार मानकर दी जाती हैं। अब यहां पेच यह फंस रहा है कि एच-1बी वीजा हर साल 65 हजार ही जारी किए जा सकते हैं। इनके अतिरिक्त 20 हजार ऐसे लोगों को यह वीजा जारी हो सकते हैं, जिन्होंने अमेरिका में ही मास्टर्स डिग्री ली हो। अब इसमें भी फ्रॉड की आशंका को रोकने के लिए अमेरिका ने अपनी नीतियों को सख्त किया है। एच-1बी वीजा के लिए रजिस्ट्रेशन फीस 215 डॉलर की गई है। एक अनुमान के अनुसार ऐसे करीब 1.34 लाख भारतीय हैं, जिनकी आयु 21 साल होने वाली है और उनके परिवारों के पास ग्रीन कार्ड नहीं है। अमेरिकी सिस्टम में बड़े पैमाने पर बैकलॉग है। ऐसे में इस बात की संभावना प्रबल है कि हजारों की संख्या में भारतीयों को अमेरिका ही छोड़ना होगा। हाल ही में टेक्सास कोर्ट ने नए आवेदकों के लिए वर्क परमिट जारी करने पर रोक लगा दी थी। अब तक एक नियम था, जिसे Deferred Action for Childhood Arrivals जाता है। इस नियम के तहत नाबालिग के तौर पर पैरेंट्स के साथ आए लोगों को दो साल का अतिरिक्त समय नागरिकता के लिए आवेदन हेतु मिलता था। अब वह समय खत्म हो गया है। ऐसे में हजारों भारतीयों के पास कोई और विकल्प तलाशने के अलावा दूसरा रास्ता नहीं बचा है।

ट्रंप के चार वरिष्ठ सहयोगियों ने यूक्रेन के विपक्षी नेताओं से गुप्त बैठकें की हैं, जिससे देश में तख्तापलट की अटकलें तेज

कीव/वाशिंगटन यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोदिमिर जेलेंस्की की सत्ता पर बड़ा खतरा मंडरा रहा है। अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के चार वरिष्ठ सहयोगियों ने यूक्रेन के विपक्षी नेताओं से गुप्त बैठकें की हैं, जिससे देश में तख्तापलट की अटकलें तेज हो गई हैं। अमेरिका और यूरोप के राजनीतिक घटनाक्रमों पर नजर रखने वाले समाचार पोर्टल POLITICO ने इस अहम रिपोर्ट का खुलासा किया। यह घटनाक्रम ऐसे समय में हुआ है, जब हाल ही में वाइट हाउस की बैठक के दौरान ट्रंप और जेलेंस्की के बीच तीखी तकरार हुई थी। बैठक बीच में ही रद्द हुई और उसके तीन दिन बाद अमेरिका ने यूक्रेन को सभी सैन्य सहायता देने पर रोक लगा दी। ट्रंप सहयोगियों की गुप्त मीटिंग से बढ़ी हलचल रिपोर्ट के मुताबिक, यूक्रेन की प्रमुख विपक्षी नेता यूलिया तिमोशेंको और पूर्व राष्ट्रपति पेत्रो पोरोशेंको की पार्टी के वरिष्ठ नेताओं के साथ ट्रंप के सहयोगियों की बैठकें हुईं। तीन यूक्रेनी सांसदों और एक अमेरिकी रिपब्लिकन विदेश नीति विशेषज्ञ के हवाले से कहा गया है कि इस चर्चा का मुख्य विषय यूक्रेन में जल्द से जल्द राष्ट्रपति चुनाव कराना था। जेलेंस्की की सत्ता खतरे में? यूक्रेन तीन साल से युद्ध झेल रहा है। अरबों की संपदा खाक हो चुकी है, करोड़ों लोग पलायन कर चुके हैं और लाखों को अपनी जान से हाथ धोना पड़ा है। इस जंग में भले ही रूस पूरी तरह से यूक्रेन पर कब्जा नहीं कर पाया, लेकिन पांच शहरों पर रूस ने अपनी आंशिक जीत सुनिश्चित कर दी है। अब यूक्रेन में तख्तापलट की आहट से राष्ट्रपति जेलेंस्की की सत्ता पर लगातार चुनौतियां बढ़ गई है। अमेरिकी रिपब्लिकन नेताओं का यूक्रेनी विपक्षी नेताओं से मिलना बड़े राजनीतिक बदलाव के संकेत दे रहा है। रूस और ट्रंप भी चाह रहे राष्ट्रपति चुनाव पहले रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन और फिर डोनाल्ड ट्रंप भी संकेत दे चुके हैं कि यूक्रेन में जल्द से जल्द राष्ट्रपति चुनाव होने चाहिए। दोनों की नजर में यूक्रेन में शांति जेलेंस्की की विदाई के बाद ही संभव है। सूत्रों के मुताबिक, यूक्रेन के विपक्षी नेताओं की ट्रंप के सहयोगियों संग बैठक में चर्चा का मुख्य बिंदु यह था कि क्या यूक्रेन में जल्द राष्ट्रपति चुनाव संभव है। जेलेंस्की को इस बात का भी डर है कि कि युद्ध के बीच यूक्रेन में चुनाव रूस को फायदा पहुंचा सकता है।

मुख्यमंत्री कल्याणी विवाह योजना असमय विधवा हो चुकी बहनों के जीवन में नव-जीवन के संचार का माध्यम है: मंत्री कुशवाह

भोपाल सामाजिक न्याय एवं दिव्यांगजन कल्याण मंत्री श्री नारायण सिंह कुशवाह ने कहा है कि मुख्यमंत्री कल्याणी विवाह योजना असमय विधवा हो चुकी बहनों के जीवन में नव-जीवन के संचार का माध्यम है। उन्होंने योजना के व्यापक प्रचार-प्रसार के निर्देश विभागीय अधिकारियों को दिए है। योजना में इस वित्त वर्ष में 709 कल्याणी बहनों को 14 करोड़ 18 लाख रूपये की आर्थिक सहायता प्रदान की गई है। योजना में गत वित्तीय वर्ष में 510 कल्याणी हितग्राहियों का आर्थिक सहायता प्रदान की गई थी। प्रमुख सचिव, सामाजिक न्याय एवं दिव्यांगजन सशक्तिकरण श्रीमती सोनाली वायंगणकर ने बताया कि प्रदेश में निवासरत कल्याणियों (विधवा) को सामाजिक सुरक्षा प्रदान कर, नये जीवन की शुरूआत के लिए राज्य सरकार द्वारा मुख्यमंत्री कल्याणी विवाह सहायता योजना संचालित की जा रही है। योजना में विवाह के बाद कल्याणी बहन को 2 लाख रूपये की आर्थिक सहायता प्रदान की जाती है। उन्होंने बताया कि योजना का लाभ कल्याणी बहनें आसानी उठा सकें इसके लिए विभाग द्वारा कल्याणी विवाह पोर्टल (vivahportal.mp.gov.in) बनाया गया। पोर्टल से योजनाओं की जानकारियाँ प्राप्त की जा सकती है। उन्होंने बताया कि योजना का लाभ उठाने के लिए आवश्यक है कि कल्याणी बहन और उनका जीवनसाथी मध्यप्रदेश के निवासी हो। विवाह के समय कल्याणी की न्यूनतम आयु 18 वर्ष या उससे अधिक व कल्याणी के पति की आयु 21 वर्ष या उससे अधिक हो। कल्याणी आयकरदाता न हो तथा कल्याणी शासकीय कर्मचारी/अधिकारी न हो, किसी राज्य/केंद्र सरकार या शासन हित पोषित निगम, उपक्रम, संस्था के अधीन कार्यरत कर्मचारी/अधिकारी न हो। कल्याणी को परिवार पेंशन प्राप्त न हो रही हो, कल्याणी का जिस व्यक्ति से विवाह हुआ हो उसकी पूर्व से कोई जीवित पत्नी न हो तथा कल्याणी व कल्याणी के पति की समग्र आई.डी. में पंजीयन होना आवश्यक है।  

केजरीवाल के लंबे काफिले को लेकर खड़े हुए विवाद के बीच मिलती रहेगी Z सिक्यॉरिटी, MHA ने नहीं किया है बदलाव

नई दिल्ली दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री और आम आदमी पार्टी (आप) के मुखिया अरविंद केजरीवाल को जेड सिक्यॉरिटी मिलती रहेगी। गृह मंत्रालय ने फिलहाल इसमें किसी तरह का बदलाव नहीं किया गया है। पंजाब में केजरीवाल के लंबे काफिले को लेकर खड़े हुए विवाद के बीच दिल्ली पुलिस के सूत्रों ने बताया है ‘आप’ प्रमुख की सुरक्षा पहले की तरह जारी रहेगी। कुछ मीडिया रिपोर्ट्स में कहा गया है कि दिल्ली पुलिस ने केजरीवाल की सुरक्षा को लेकर गृह मंत्रालय से निर्देश मांगा है। किसी वीआईपी की सुरक्षा को लेकर खुफिया ब्यूरो से से जो इनपुट मिलता है उसके आधार पर रिपोर्ट गृह मंत्रालय को भेजी जाती है। इसके आधार पर वीआईपी सुरक्षा में जिस श्रेणी की जरूरत होती है, वह मुहैया कराई जाती है। अरविंद केजरीवाल को जेड श्रेणी की सुरक्षा पहले ही मुहैया कराई गई है। वीआईपी सुरक्षा से जुड़ी पुलिस यूनिट के मुताबिक सिक्योरिटी पहले जैसी ही रहेगी। इसमें कोई फेरबदल नहीं किया गया है। दिल्ली में विधानसभा चुनाव के करीब एक महीने बाद अरविंद केजरीवाल 10 दिन की विपश्यना के लिए पंजाब गए हैं। होशियारपुर पहुंचने पर केजरीवाल के काफिले के साथ सुरक्षाकर्मियों की कई गाड़ियां दिखीं, जिस पर भाजपा और कांग्रेस के कई नेताओं ने सवाल खड़े किए थे। ‘जेड’ श्रेणी की सुरक्षा के तहत सुरक्षा में लगभग 22 सुरक्षाकर्मी तैनात रहते हैं, जिनमें निजी सुरक्षा अधिकारी (पीएसओ), सुरक्षा दस्ते, निगरानी दल के अलावा और लगभग आठ सशस्त्र गार्ड शामिल होते हैं। यह सुरक्षा आमतौर पर शीर्ष स्तरीय राजनीतिक हस्तियों और मुख्यमंत्रियों को दी जाती है। पूर्व मुख्यमंत्री आतिशी को भी उनके कार्यकाल के दौरान ‘जेड’ श्रेणी की सुरक्षा प्रदान की गई थी। दिल्ली की सीएम बनने पर रेखा गुप्ता को भी इसी कैटिगरी की सुरक्षा दी गई है।

slot server thailand super gacor

spaceman slot gacor

slot gacor 777

slot gacor

Nexus Slot Engine

bonus new member

olympus

situs slot bet 200

slot gacor

slot qris

link alternatif ceriabet

slot kamboja

slot 10 ribu

https://mediatamanews.com/

slot88 resmi

slot777

https://sandcastlefunco.com/

slot bet 100

situs judi bola

slot depo 10k

slot88

slot 777

spaceman slot pragmatic

slot bonus

slot gacor deposit pulsa

rtp slot pragmatic tertinggi hari ini

slot mahjong gacor

slot deposit 5000 tanpa potongan

mahjong

spaceman slot

https://www.deschutesjunctionpizzagrill.com/

spbo terlengkap

cmd368

368bet

roulette

ibcbet

clickbet88

clickbet88

clickbet88

bonus new member 100

slot777

https://bit.ly/m/clickbet88

https://vir.jp/clickbet88_login

https://heylink.me/daftar_clickbet88

https://lynk.id/clickbet88_slot

clickbet88

clickbet88

https://www.burgermoods.com/online-ordering/

https://www.wastenotrecycledart.com/cubes/

https://dryogipatelpi.com/contact-us/

spaceman slot gacor

ceriabet link alternatif

ceriabet rtp

ceriabet

ceriabet link alternatif

ceriabet link alternatif

ceriabet login

ceriabet login

cmd368

sicbo online live