LATEST NEWS

CSK टीम में चोटिल ऋतुराज गायकवाड़ की जगह आयुष म्हात्रे को किया शमिल

लखनऊ चेन्नई सुपर किंग्स (CSK) ने मुंबई के सलामी बल्लेबाज आयुष म्हात्रे को चोटिल ऋतुराज गायकवाड़ की जगह टीम में शामिल किया है। म्हात्रे को उनके बेस प्राइस 30 लाख रुपए के बेस प्राइज मिलेगी। उन्होंने अभी तक टी-20 क्रिकेट में पदार्पण नहीं किया है, लेकिन सात लिस्ट-ए मैचों में उन्होंने दो शतक जड़े हैं। वह ऑफ स्पिन गेंदबाज भी हैं और उन्होंने चार लिस्ट ए पारियों में सात विकेट लिए हैं। CSK के गेंदबाजी सलाहकार एरिक सिमंस ने कहा, ‘वह चेन्नई में ट्रायल के लिए आए थे और नेट्स में हमारे साथ जुड़े थे। वे CSK के तरह निडर होकर क्रिकेट खेलते हैं। हम खिलाड़यिों को खुलकर और आक्रामकता से खेलने की आजादी देते हैं। नेट पर उपस्थित हमारे स्टाफ उनसे बहुत प्रभावित थे। उनको टीम में शामिल करके हम बहुत उत्साहित हैं।’ उल्लेखनीय है कि एशिया कप 2024 के दौरान म्हात्रे ने इंडिया अंडर-19 टीम में भी जगह बनाई थी। इसके बाद ईरानी कप के लिए वह मुंबई की सीनियर टीम में चुने गए। तबसे वह प्रथम श्रेणी और लिस्ट ए मैचों में मुंबई के नियमित सदस्य हैं। CSK के कप्तान गायकवाड़ ने पहले पांच मैचों में टीम का नेतृत्व किया, जिनमें से टीम को चार में हार का सामना करना पड़ा, इसके बाद कोहनी की चोट के कारण वह पूरे सत्र से बाहर हो गए और एमएस धोनी ने कप्तानी संभाली।

अपर आयुक्त मनरेगा ने की ग्राम लाई के स्वच्छाग्राहियों के कार्य की सराहना

यूजर चार्ज एवं प्रोत्साहन राशि से ग्रामीण महिलाएं बढ़ रही है आत्मनिर्भरता की ओर एमसीबी स्वच्छ भारत मिशन (ग्रामीण) के अंतर्गत महात्मा गांधी नरेगा योजना से समन्वित होकर चल रहे स्वच्छता प्रयासों का निरीक्षण मनरेगा के अपर आयुक्त श्री अशोक चौबे के द्वारा किया गया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने ग्राम पंचायत सेमरा अंतर्गत नागपुर थाना क्षेत्र में मनरेगा अभिसरण से निर्मित सामुदायिक शौचालय का अवलोकन किया। इसके साथ ही उन्होंने ग्राम पंचायत लाई में निर्मित सेग्रीगेशन शेड का भी जायजा लिया, जहां स्वच्छाग्राही समूह द्वारा किए जा रहे डोर टू डोर अपशिष्ट संग्रहण और पृथक्करण कार्य की उन्होंने सराहना की। उन्होंने कहा कि स्वच्छता अभियान के तहत यह कार्य न केवल ग्रामीण जीवन की गुणवत्ता को बेहतर बना रहा है, बल्कि महिलाओं को स्वरोजगार उपलब्ध कराते हुए आत्मनिर्भरता की दिशा में भी एक मजबूत कदम है। स्वच्छाग्राही समूह की महिलाओं ने बताया कि वे सप्ताह में दो दिन नियमित रूप से प्रत्येक घर से कचरा संग्रहण का कार्य करती हैं। इसके लिए प्रति परिवार 20 रुपये यूजर चार्ज के रूप में प्राप्त होता है, साथ ही ग्राम पंचायत के माध्यम से उन्हें 2900 रुपये प्रतिमाह प्रोत्साहन राशि भी दी जाती है। इसके अतिरिक्त वे एकत्र किए गए सूखे कचरे का विक्रय कर अतिरिक्त आय भी अर्जित कर रही हैं। एक स्वच्छाग्राही महिला ने बताया कि इस कार्य के माध्यम से ग्राम पंचायत की छह महिलाओं को स्थायी स्वरोजगार प्राप्त हुआ है, जिससे उन्हें अपनी दैनिक आवश्यकताओं की पूर्ति में सुविधा हो रही है। अब वे आत्मविश्वास के साथ अपने परिवार की आर्थिक सहायता कर पा रही हैं। अपर आयुक्त श्री चौबे ने कहा कि इस प्रकार के प्रयास ग्रामीण अर्थव्यवस्था को नई ऊर्जा देने के साथ ही स्वच्छता को जन आंदोलन बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं।

कल्कि तू कहाँ है पुस्तक का लोकार्पण एवं समीक्षा समारोह का आयोजन संपन्न

भोपाल, चर्चित लेखक, राष्ट्रवादी चिंतक एवं भारतीय सेना के सेवानिवृत्त वरिष्ठ अधिकारी मेजर जनरल (डॉ.) जी. डी. बक्षी द्वारा रचित महत्वपूर्ण कृति “कल्कि तू कहाँ है” का भव्य विमोचन एवं समीक्षा समारोह आज 15 अप्रैल 2025, मंगलवार को गौरांजलि सभागार, रविंद्र भवन, भोपाल में आयोजित किया गया।  इस अवसर पर बोलते हुए जनरल जीडी बख्शी ने कहा सनातन धर्म 10000 साल से चल रहा है और अगले हजारों साल तक चलता रहेगा कार्यक्रम में शहीद मेजर विक्रम बत्रा के पिताजी G L बत्रा ने कहा कि सैनिक देश भक्तों से भी ऊपर आते हैं क्योंकि सैनिक ही देशभक्ति को बचाते हैं इस अवसर पर साहित्य अकादमी के निदेशक डॉ विकास दवे और निर्वाचन आयुक्त, मध्यप्रदेश मनोज श्रीवास्तव जी ने पुस्तक की समीक्षा करने के साथ अपने विचार व्यक्त किए यह पुस्तक स्वामी प्रणवानंद  सरस्वती जी की जीवनगाथा पर आधारित है, जो अध्यात्म, राष्ट्रधर्म और मानवीय मूल्यों की रोचक व्याख्या प्रस्तुत करती है। मुख्य अतिथि श्रीराम तिवारी जी (निदेशक, विक्रमादित्य शोधपीठ संस्थान, उज्जैन) अध्यक्षता  मनोज श्रीवास्तव जी (राज्य निर्वाचन आयुक्त, मध्यप्रदेश) विशिष्ट अतिथि  डॉ. विकास दवे जी (निदेशक, साहित्य अकादमी, म प्र शासन, भोपाल) कार्यक्रम संचालन शीला मिश्रा कार्यक्रम संयोजन अभिषेक खरे कार्यक्रम समन्वयक अंशुमान खरे विशेष- लेखक डॉ. जी. डी. बक्षी देश-विदेश में अपने राष्ट्रप्रेम और ऐतिहासिक-राजनैतिक विचारों के लिए प्रसिद्ध हैं। यह कृति भी उनके चिंतन, अनुभव और भारतीय सनातन दृष्टिकोण का अद्भुत संगम है।

कैबिनेट बैठक: भोपाल के गांधी मेडिकल कालेज में पैट्रियोटिक डिपार्टमेंट प्रारंभ करने की स्वीकृति

भोपाल किसानों को सशक्त बनाने के लिए मध्य प्रदेश की डॉ. मोहन यादव सरकार उनकी आय बढ़ाने के रास्ते खोज रही है। पशुपालन के माध्यम से किसानों की आय बढ़ाने के प्रयास हो रहे हैं। फसल बीमा योजना का लाभ शत-प्रतिशत किसानों को दिलाने के साथ सिंचाई क्षमता में वृद्धि के लिए सरकार ने कार्य योजना बनाई है। मुख्यमंत्री मोहन यादव की अध्यक्षता में मंत्रालय में हुई कैबिनेट की बैठक में अन्नदाता मिशन को दी गई स्वीकृति। किसानों की आय बढ़ाने के लिए किए गए हैं। मुख्यमंत्री की अध्यक्षता में बनाई जाएगी उच्च स्तरीय समिति। जिला स्तर पर भी बनेगी कमेटी। किसानों को खेती के शासक पशुपालन, उद्यानिकी आदि क्षेत्र में भी किया जाएगा प्रोत्साहित। खाद्य प्रसंस्करण को भी दिया जाएगा बढ़ावा। भोपाल के गांधी मेडिकल कालेज में पैट्रियोटिक डिपार्टमेंट प्रारंभ करने की स्वीकृति। सतना में अस्पताल बनेगा‌। लाडली बहन योजना बंद नहीं होगी। अब प्रतिमाह 10 से 15 तारीख के बीच होगा राशि का अंतरण। 16 अप्रैल को मुख्यमंत्री मंडला में आयोजित कार्यक्रम में हितग्राहियों के खातों में राशि करेंगे अंतरित। किसानों से वसूली जा रही ऋण की राशि इस बीच, हरदा से खबर है कि शासकीय खरीदी में उपज बिक्री के बाद किसानों से सहकारी समिति ऋण वसूल रही है। ऋण की राशि वसूली करने से किसान परेशान हैं। राष्ट्रीयकृत बैंकों में उपज बिक्री के बाद शासन द्वारा राशि खातों में डाली जाती है। किसान अपना केसीसी ऋण चुकता करते हैं, लेकिन राशि समय पर न मिलने से किसानों को अतिरिक्त ब्याज भरना पड़ता है। किसान सुरेश पटेल ने बताया कि किसानों के खाते में पूरी राशि आना चाहिए। इस संबंध में समिति के सहायक प्रबंधक अखिलेश पाटिल ने बताया कि चने की राशि में थोड़ा समय लगता है। जल्द ही किसानों के खातों में राशि जमा कराई जाएगी।

पूर्व मुख्य सचिव, मध्यप्रदेश श्री एंथोनी डिसा को कॉमनवेल्थ शॉर्ट स्टोरी प्राइज़ 2025 के लिए शॉर्टलिस्ट किया गया

प्रसिद्ध लेखक और पूर्व प्रशासनिक अधिकारी की कहानी ’Tamarind’ (‘इमली’) को 54 देशों की 8,000 से अधिक प्रविष्टियों में से शीर्ष 25 में स्थान मिला भोपाल मध्यप्रदेश के पूर्व मुख्य सचिव और चर्चित लेखक श्री एंथोनी डिसा * ने एक बार फिर अपनी उपलब्धियों की फेहरिस्त में एक और प्रतिष्ठित सम्मान जोड़ लिया है। *‘टीनो डिसा’ के नाम से लेखन करने वाले श्री डिसा की कहानी Tamarind (‘इमली’) को कॉमनवेल्थ शॉर्ट स्टोरी प्राइज़ 2025 के लिए शॉर्टलिस्ट किया गया है। यह अंतरराष्ट्रीय स्तर पर प्राप्त मान्यता उनकी प्रशासनिक सेवा और साहित्यिक लेखन—दोनों में उनकी गहराई और सृजनात्मकता को दर्शाती है। 54 देशों से आई 8,000 से अधिक प्रविष्टियों में से चुनी गईं 25 श्रेष्ठ कहानियों में ‘इमली’ को स्थान मिला है, जिसे पांच अंतरराष्ट्रीय निर्णायकों की एक समिति ने चयनित किया। लंदन में 15 अप्रैल को शॉर्टलिस्ट की घोषणा की गई, जबकि विजेता का नाम जून में घोषित किया जाएगा। कॉमनवेल्थ शॉर्ट स्टोरी प्राइज़ को प्रायः ‘शॉर्ट स्टोरी का बुकर पुरस्कार’ कहा जाता है और यह अंग्रेज़ी साहित्य की सबसे प्रतिष्ठित अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में से एक है। केवल शॉर्टलिस्ट में शामिल होना भी स्वयं में एक वैश्विक सम्मान माना जाता है। ‘इमली’ कहानी मध्यप्रदेश के एक काल्पनिक ग्रामीण क्षेत्र में आधारित है और श्री डिसा की अधिकांश रचनाओं की तरह इसमें भी अंत में एक गहरा मोड़ है। यह कहानी उनकी कथा-कौशल के साथ-साथ भारतीय ग्रामीण और सांस्कृतिक जीवन की गहरी समझ को भी उजागर करती है। एक वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारी (IAS) के रूप में श्री एंथनी डिसा ने राज्य और केंद्र स्तर पर कई महत्वपूर्ण पदों पर कार्य किया, और अपने प्रशासनिक जीवन के अंत में मध्यप्रदेश के मुख्य सचिव पद से सेवानिवृत्त हुए। सेवानिवृत्ति के बाद उन्होंने अपनी रचनात्मक ऊर्जा और सामाजिक संवेदना को साहित्यिक अभिव्यक्ति में रूपांतरित किया, जो उनके कहानी लेखन और कविता में स्पष्ट रूप से परिलक्षित होती है। अब तक उनके तीन पुस्तकें प्रकाशित हो चुकी हैं—दो कहानी संग्रह: ‘The Disrobing of Draupadi’ और ‘One For Sorrow, Two For Joy’, और एक बच्चों के लिए रहस्य कथा ‘The Curious Case of the Nandikote Nawab’, जिसे कतिपय CBSE स्कूलों ने अपनी पठन सूची में शामिल किया है। उनकी रचनाओं में सामाजिक यथार्थ, भावनात्मक गहराई और कथानक की रोचकता का सुंदर संयोजन देखने को मिलता है। श्री डिसा को 2017 और 2019 में टाइम्स ऑफ इंडिया राष्ट्रीय लघुकथा प्रतियोगिता में प्रथम पुरस्कार प्राप्त हो चुका है। वे दो कहानियाँ भी मध्य प्रदेश में आधारित हैं – एक पंचमढ़ी में और एक प्राचीन काल के उज्जैन में।उनके काव्य-संग्रहों को भी अंतरराष्ट्रीय स्तर पर सराहना मिली है और हाल ही में लंदन से प्रकाशित एक प्रतिष्ठित साहित्यिक पत्रिका में उनकी दो कविताएं प्रकाशित हुई हैं। वर्तमान में वे अपनी अगली लघुकथा संग्रह पर कार्य कर रहे हैं, जिसमें वे भारतीय जीवन के विविध पक्षों को अपनी साहित्यिक दृष्टि से उजागर कर रहे हैं। एक समर्पित प्रशासनिक अधिकारी से लेकर एक अंतरराष्ट्रीय स्तर पर मान्यता प्राप्त लेखक बनने की उनकी यात्रा इस बात का प्रेरणादायक उदाहरण है कि किस प्रकार बौद्धिक चेतना और रचनात्मकता सेवा-निवृत्त जीवन में भी नई ऊंचाइयों तक पहुंच सकती है।

कहीं गर्मी की तपिश से लोगों का जीना मुहाल कर रही है, कहीं बारिश का दौर जारी है, कई राज्यों में आंधी-पानी का डबल अटैक

नई दिल्ली देश के विभिन्न राज्यों में मौसम का मिजाज काफी अलग है। कहीं गर्मी की तपिश  लोगों का जीना मुहाल कर रही है, कहीं बारिश का दौर जारी है। भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) की ताजा प्रेस रिलीज के मुताबिक, पश्चिमी राजस्थान से लेकर हिमालयी क्षेत्रों तक और दक्षिण भारत से लेकर पूर्वोत्तर राज्यों तक अलग-अलग मौसमीय गतिविधियों का असर दिखाई देने लगा है। राजस्थान-गुजरात में गर्मी का कहर जारी पश्चिमी और पूर्वी राजस्थान में 15 से 18 अप्रैल के बीच लू की स्थिति बनी रहेगी। कुछ इलाकों में यह लू बेहद गंभीर रूप ले सकती है। गुजरात राज्य में भी 17 अप्रैल तक गर्म हवाओं का असर जारी रहने की संभावना है। बाढ़मेर में तापमान 45.4 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच चुका है, जो इस समय देश में सबसे अधिक है। इन राज्यों वेस्टर्न डिस्टर्बेंस का असर 16 से 20 अप्रैल के बीच एक तीव्र पश्चिमी विक्षोभ जम्मू-कश्मीर, लद्दाख, हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड को प्रभावित करेगा। 18 और 19 अप्रैल को इन इलाकों में भारी बारिश, ओलावृष्टि और तेज हवाओं का अनुमान है। साथ ही मैदानी इलाकों जैसे पंजाब, हरियाणा, दिल्ली और पश्चिमी उत्तर प्रदेश में 18 से 20 अप्रैल के बीच आंधी-तूफान और बिजली गिरने की संभावना जताई गई है। पूर्वोत्तर राज्यों में खूब गर्जेंगे बादल असम, मेघालय, नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा में अगले 5 दिनों तक गरज-चमक और तेज हवाओं के साथ बारिश जारी रहेगी। 17 अप्रैल को बिहार, झारखंड और ओडिशा में भी तेज बारिश और ओलावृष्टि की चेतावनी जारी की गई है। दक्षिण भारत में बारिश की संभावना केरल, तमिलनाडु, कर्नाटक और आंध्र प्रदेश के कई हिस्सों में हल्की से मध्यम बारिश, गरज-चमक और तेज हवाएं चल सकती हैं। 15 से 17 अप्रैल तक केरल और माहे में कहीं-कहीं भारी बारिश की आशंका है। दिल्ली-एनसीआर में गर्म हवाओं की दस्तक दिल्ली-एनसीआर में 15 से 18 अप्रैल तक मौसम शुष्क रहेगा, परंतु तापमान 41 डिग्री तक पहुंच सकता है। 18 अप्रैल को आंधी के साथ तेज हवाएं (30-40 किमी/घंटा) चलने की संभावना है।

प्लास्टिक सर्जरी की अफवाहों पर राधिका मदान ने दिया करारा जवाब

मुंबई बॉलीवुड अभिनेत्री राधिका मदान का एक एडिटेड वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हुआ था. इस वीडियो में दावा किया जा रहा था कि एक्ट्रेस ने अपने चेहरे की प्लास्टिक सर्जरी करवाई है. वहीं, अब प्लास्टिक सर्जरी की अफवाहों पर राधिका मदान ने करारा जवाब दिया है. कॉस्मेटिक सर्जरी का दावा सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे वीडियो में राधिका मदान का लुक बहुत ज्यादा बदला हुआ दिखाया गया है. इस वीडियो के साथ कैप्शन में लिखा है, ‘कलर्स टीवी के लोकप्रिय शो की इशानी याद है? इतने सारे कॉस्मेटिक वर्क के बाद राधिका मदान अब पहचान में नहीं आती हैं.’ पोस्ट में अभिनेत्री मौनी रॉय से तुलना करते हुए कहा गया, ‘राधिका मदान ने वास्तव में मौनी रॉय से सीख ली है, नया चेहरा, नई वाइब.’ राधिका मदान ने दिया जवाब हालांकि, राधिका मदान ने तुरंत जवाब दिया और आलोचना को मजाक में लिया है. इस पोस्ट पर तीखी टिप्पणी करते हुए राधिका मदान ने लिखा, ‘बस इतने ही आइब्रो ऊपर करे हैं एआई का इस्तेमाल करके? और कर लो यार…ये तो फिर भी नेचुरल लग रहा है.’ एक्ट्रेस का ये वीडियो इंटरनेट पर तेजी से वायरल हो रहा था. कई सोशल मीडिया यूजर्स एडिट किए गए वीडियो के झांसे में आ गए और राधिका के इस बड़े बदलाव पर हैरानी जताई. राधिका मदान का वर्कफ्रंट वर्कफ्रंट की बात करें तो राधिका मदान को ‘मेरी आशिकी तुम से ही’ में उनकी भूमिका के लिए जाना जाता है. उन्होंने टीवी सीरियल से अपनी शुरुआत की और बाद में फिल्मों में काम किया. वह ‘मर्द को दर्द नहीं होता’, ‘अंग्रेजी मीडियम’, ‘पटाखा’, ‘शिद्दत’, ‘मोनिका ओ माय डार्लिंग’, ‘कच्चे लिम्बू’, ‘कुत्ते’, ‘सजनी शिंदे का वायरल वीडियो’, ‘सरफिरा’ और अन्य फिल्मों में कान कर चुकी हैं.

नाटो ने रूस या उसके करीबी सहयोगी बेलारूस पर कोई भी आक्रामक कार्रवाई की, तो सबसे पहले खाक होंगे बाल्टिक देश

मॉस्को रूस और यूक्रेन के बीच भीषण युद्ध के बीच व्लादिमीर पुतिन के खास सिपहसलार और रूस की विदेशी खुफिया एजेंसी के प्रमुख सर्गेई नारिश्किन ने पश्चिमी देशों को खुली चेतावनी दी है। उन्होंने कहा है कि यदि नाटो ने रूस या उसके करीबी सहयोगी बेलारूस पर कोई भी आक्रामक कार्रवाई की, तो सबसे पहले पोलैंड और बाल्टिक देश तबाह होंगे। यह बयान रशियन न्यूज़ एजेंसी RIA ने उनके हवाले से जारी किया है। इस बयान से क्षेत्र में भू-राजनीतिक तनाव और बढ़ने की आशंका है। नारिश्किन ने क्या कहा? उन्होंने कहा, “अगर NATO ने रूस या बेलारूस के खिलाफ कोई भी सैन्य कार्रवाई की, तो इसका खामियाजा पूरे NATO को भुगतना पड़ेगा। लेकिन सबसे पहले तबाही पोलैंड और बाल्टिक देशों पर टूटेगी।” नारिश्किन पुतिन के बेहद करीबी और रूसी खुफिया विभाग के सबसे ताकतवर चेहरों में से एक माने जाते हैं। उनके बयान साफ संकेत है कि रूस पश्चिमी गठबंधन के किसी भी संभावित हस्तक्षेप के लिए तैयार है और प्रतिरोध की नीति अपनाएगा। पोलैंड और बाल्टिक देश निशाने पर क्यों? पोलैंड और एस्टोनिया, लातविया, लिथुआनिया जैसे बाल्टिक देश NATO के सदस्य हैं और रूस की पश्चिमी सीमा से सटे हुए हैं। हाल के वर्षों में इन देशों ने रूस के खिलाफ मुखर रुख अपनाया है और यूक्रेन को समर्थन देने में भी आगे रहे हैं। रूस इन्हें “NATO की अग्रिम चौकियां” मानता है। यूक्रेन युद्ध और पश्चिमी हस्तक्षेप रूस-यूक्रेन युद्ध के चलते रूस और NATO देशों के बीच टकराव बढ़ता जा रहा है। अमेरिका और यूरोपीय देश यूक्रेन को आर्थिक, सैन्य और खुफिया मदद दे रहे हैं, जबकि रूस इसे सीधा NATO का हस्तक्षेप मानता है।

राज्य के लोग अपने मौलिक अधिकारों के लिए केंद्र से लड़ रहे हैं, हम अपने भाषाई अधिकार की रक्षा कर रहे हैं: स्टालिन

तमिलनाडु राज्यपाल से तनातनी के बीच तमिलनाडु विधानसभा में मुख्यमंत्री एमके स्टालिन ने राज्य को स्वायत्त बनाने का प्रस्ताव पेश कर दिया है। उन्होंने कहा कि देश को आजाद हुए 75 साल पूरे हो गए हैं। हमारे देश में अलग-अलग भाषा, जाति और संस्कृति के लोग रहते हैं। हम सब मिलजुलकर रहते हैं। डॉ. आंबेडकर ने देश की राजनीति और प्रशासन की प्रणाली को इस तरह बनाया कि सभी के हितों की रक्षा की जा सके। स्टालिन ने कहा कि एक-एक कर राज्यों के अधिकार छीने जा रहे हैं। वहीं राज्य के लोग अपने मौलिक अधिकारों के लिए केंद्र से लड़ रहे हैं। हम किसी तरह अपने भाषाई अधिकार की रक्षा कर रहे हैं। ऐसे में राज्य तभी विका कर सकते हैं तो उनके पास सभी शक्तियां हों। एमके स्टालिन ने कहा कि स्वायत्ता की सिफारिश करने के लिए बनाई जाने वाली कमेटी की अध्यक्षता सुप्रीम कोर्ट के पूर्व जज कुरियन जोसेफ करेंगे। इसके अलावा पूर्व आईएएस अधिकारी अशोक वरदान शेट्टी और नागराजन इस कमेटी में शामिल होंगे। कमेटी को जनवरी 2026 तक का समय दिया गया है। इस समय सीमा में कमेटी को अंतरिम रिपोर्ट राज्य सरकार को सौंपनी होगी। वहीं अंतिम रिपोर्ट 2028 तक सौंपनी है। एमके स्टालिन ने विधानसभा में केंद्र सरकार पर नीट को लेकर भी हमला बोला। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार तमिलनाडु के छात्रों का भविष्य खराब करने पर तुली है। उन्होंने कहा कि किसी की भाषाई स्वतंत्रता बहुत जरूरी है। वहीं नई शिक्षा नीति में त्रिभाषा नीति के जरिए केंद्र सरकार तमिलनाडु के लोगों पर हिंदी थोपना चाहती है। उन्होंने कहा कि नई शिक्षा नीति लागू करने से इनकार करने पर केंद्र ने राज्य का 2500 करोड़ का फंड ही रोक दिया।

बावली जलाशय के कार्यों के लिए 44.49 लाख रूपए स्वीकृत

रायपुर, जल संसाधन विभाग छत्तीसगढ़ शासन, ने कबीरधाम जिले के विकासखंड-बोड़ला की बावली जलाशय योजना के जीर्णोद्धार, पुलिया निर्माण नहर के सीसी लाईनिंग सहित अन्य कार्यों के लिए 44 लाख 49 हजार रूपए स्वीकृत किए गए है। योजना के कार्यों को कराने के लिए मुख्य अभियंता महानदी गोदावरी कछार जल संसाधन विभाग रायपुर को प्रशासकीय स्वीकृति दी गई है।

38 दिनों तक चलने वाली अमरनाथ यात्रा के लिए रजिस्ट्रेशन शुरू, सुरक्षा के भी व्यापक इंतेजाम किए गए

जम्मू 38 दिनों तक चलने वाली श्री अमरनाथ यात्रा के लिए पंजीकरण पूरे देश में उत्साह के साथ शुरू हो गया है। जम्मू में स्थित पंजाब नेशनल बैंक की रिहाड़ी चुंगी शाखा समेत कई नामित बैंक शाखाओं में श्रद्धालुओं की लंबी कतारें देखी गईं। यह तीर्थ यात्रा 3 जुलाई से शुरू होकर 9 अगस्त तक चलेगी। हर बार की तरह इस साल भी श्रद्धालुओं के लिए विशेष सुविधाओं की व्यवस्था की गई है। सुरक्षा के भी व्यापक इंतेजाम किए गए हैं। जम्मू-कश्मीर के उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने 5 मार्च को राजभवन में हुई श्री अमरनाथ जी श्राइन बोर्ड की 48वीं बैठक के दौरान इस बार की तिथियों का ऐलान किया था। इस बार भी यात्रा अनंतनाग जिले के पहलगाम मार्ग और गांदरबल जिले के बालटाल मार्ग से एक साथ शुरू होगी। यात्रियों की संभावित भीड़ को देखते हुए बोर्ड ने इस वर्ष व्यवस्थाएं और सुविधाएं और बेहतर बनाने के प्रस्ताव दिए हैं। यात्रियों के लिए विशेष सुविधाएं ई-केवाईसी, आरएफआईडी कार्ड जारी करने और स्पॉट रजिस्ट्रेशन की सुविधा अब जम्मू, श्रीनगर, नौगाम और कटरा रेलवे स्टेशनों सहित कई स्थानों पर उपलब्ध होगी। बालटाल, पहलगाम, नुनवान और पंथाचौक श्रीनगर में भी लोगों के लिए सुविधा केंद्र बढ़ाए जाएंगे। श्रद्धालुओं में उत्साह रिहाड़ी चुंगी शाखा पर पंजीकरण कराने पहुंचीं सुनंदा शर्मा (37) ने बताया, “यह मेरी दूसरी यात्रा होगी और मैं बाबा अमरनाथ के दर्शन को लेकर बेहद उत्साहित हूं।” वहीं राजेश कुमार (41) ने कहा, “मैं पिछले सात वर्षों से लगातार बाबा के दर्शन कर रहा हूं और जब तक शरीर साथ देगा, तब तक जाता रहूंगा।” इन्हें यात्रा की परमिशन नहीं 13 से 70 वर्ष की आयु वाले श्रद्धालु यात्रा के लिए पंजीकरण करा सकते हैं। गर्भवती महिलाएं, जिनकी गर्भावस्था 6 सप्ताह या उससे अधिक की है, उन्हें यात्रा की अनुमति नहीं है। यात्रियों के उत्साह और सरकार की तैयारियों को देखते हुए, इस बार की अमरनाथ यात्रा और भी भव्य और सुरक्षित होने की उम्मीद जताई जा रही है।

PM मोदी की नाराजगी के बाद वाराणसी गैंगरेप मामले में अब नप गए DCP चंद्रकांत मीणा, लखनऊ अटैच

वाराणसी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की नाराजगी के बाद वाराणसी गैंगरेप मामले में कमिश्नरेट के वरुणा जोन के डीसीपी चंद्रकांत मीणा को हटा दिया गया। उन्हें डीजीपी कार्यालय में स्थानांतरित कर प्रतीक्षा सूची में डाल दिया गया है। माना जा रहा है कि यह कार्रवाई पांडेयपुर की युवती से गैंगरेप के मामले में हुई है। बीते दिनों दौरे पर आए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मामले में कड़ी कार्रवाई के निर्देश दिए थे। वाराणसी में लालपुर पांडेयपुर थाना क्षेत्र की एक 19 वर्षीय युवती से एक हफ्ते तक अलग-अलग जगहों पर गैंगरेप किया गया था। छात्रा ने अपने शिकायत में आरोप लगाया है कि 23 लड़कों ने उसके साथ रेप किया। छात्रा की मां की तरफ से एफआईआर कराई गई। एफआईआर में 12 नामजद और 11 अज्ञात लड़कों पर केस हुआ है। आरोप में कहा गया कि छात्रा के साथ 29 मार्च को दरिंदगी की शुरुआत हुई थी। सबसे पहले उसे हुक्का बार में ले जाकर रेप किया गया। इसके बाद होटल और अन्य स्थानों पर नशा देकर अलग अलग युवकों ने रेप किया। इस दौरान चलती गाड़ी में भी छात्रा से रेप किया जाता रहा। चार अप्रैल को छात्रा को नशे की हालत में ही सड़क किनारे छोड़कर युवक फरार हो गए थे। गैंगरेप मामले अब तक 13 लड़कों की ही गिरफ्तारी हो सकी है। अब भी 10 लड़के फरार हैं। पुलिस फरार आरोपियों की तलाश में लगी है। पुलिस का कहना है जल्द ही गिरफ्तारी कर ली जाएगी। बीते दिन वाराणसी पहुंचते ही प्रधानमंत्री मोदी ने इस गैंगरेप मामले में ही अधिकारियों से पूछताछ की थी। प्लेन से उतरने के बाद रनवे पर ही वाराणसी के मंडलायुक्त कौशल राज शर्मा, पुलिस कमिश्नर मोहित अग्रवाल और जिलाधिकारी एस राजलिंगम से पूरे मामले की जानकारी ली थी। पीएम मोदी ने दोषियों को चिह्नित कर कड़ी कार्रवाई का निर्देश दिया था।

विंध्य क्षेत्र में विकास के नए आयाम लिखेगा डालमिया भारत सीमेंट प्लांट

किसानों को मिला मालिकाना हक न छिनने का विकल्प, किसान को मिलेगा सतही फसल मुआवजा रामपुर बाघेलान क्षेत्र के किसानों को बरगला कर कंपनी पर दबाव बनाने का प्रयास कर रहे तथाकथित बिचौलिए सतना सीमेंट सिटी के तौर पर पहचान बना चुके सतना जिले में एक और प्लांट आकार लेने जा रहा है, जिससे किसानों की बल्ले-बल्ले होने वाली है। एक तरफ किसान अपनी जमीन का मालिक भी बना रहेगा और दूसरी ओर उसे अनुबंध अवधि तक फसल का सतही मुआवजा भी मिलेगा। दरअसल डालमिया भारत सीमेंट प्लांट के द्वारा रामपुर बाघेलान अनुविभागीय क्षेत्र के  जमुना, बैरिहा, झिरिया बाजपेइन, झिरिया कोपरिहान, झिरिया कोठार सहित आसपास के गांव में खनन लीज ली जा रही  है। इस संबंध में प्लांट प्रबंधन द्वारा किसानों को मध्य प्रदेश सरकार के राजपत्र एवं शासन के द्वारा निर्धारित की गई गाइड लाइन के तहत अधिग्रहण किया  जा रहा है। प्रोजेक्ट हेड स्वप्रिल शर्मा ने बताया कि के मध्य प्रदेश सरकार का राजपत्र क्रमांक 264 दिनांक 11 सितंबर 2024 क्रमांक एफ 3-3-0001-2024 एमआरडी-बारह-खान एवं खनिज (विकास एवं विनियमन) अधिनियम 1957 (1957 क 67 )की धारा 26 की उपधारा (2) के आधीन प्रदत्त शक्तियों को प्रयोग में लाते हुए, राज्य सरकार, एतद् द्वारा, खनिज (परमाणु और हाइड्रो कार्बन ऊर्जा खनिजों से भिन्न) रियायत नियम 2016 के नियम 52 के आधीन भूमि के स्वामी को देय वार्षिक प्रतिकर का निर्धारण किए जाने हेतु संबंधित जिले के कलेक्टर को प्राधिकृत अधिकारी के रुप में नियुक्त किया है और इसी राजपत्र के अनुसार किसानों की जमीन ली जाएगी। उन्होंने बताया कि  वार्षिक सतही फसल क्षतिपूर्ति मुआवजा प्रति एकड़  ग्रामवार तय किया जाएगा। इन शर्तों के तहत मिलेगा मुआवजा श्री शर्मा ने बताया कि रामपुर बाघेलान तहसील क्षेत्र के ग्राम जमुना, बैरिहा, झिरिया वाजपेइन, झिरिया कोपरिहान, झिरिया कोठार के कुल क्षेत्रफल 306.8921 हेक्टेयर का वार्षिक सतह मुआवजा आगामी दस वर्ष हेतु तय होगा।  प्रभावित किसानों से भूमि स्वामी अधिकार न लेते हुए उनकी जमीन से खनिज उत्खनन बावत् मुआवजा दिया जाएगा। मुआवजा के पश्चात खनन प्रक्रिया संपादित की जाएगी एवं संपूर्ण उत्खनन पश्चात प्रभावित जमीन की यथास्थिति कायम कर कृषि योग्य बनाकर वापस की जाएगी। उत्खनन के दौरान या उत्खनन के पश्चात किन्हीं परिस्थितियों में यदि किसान अपनी जमीन निर्धारित स्वीकृति दर पर बेचने को तैयार होता है तो कंपनी अविलंब रजिस्ट्री को तैयार रहेगी। निर्धारित भूमि वार्षिक मुआवजा राशि से किसान कई प्रकार से प्रत्यक्ष या परोक्ष रुप से लाभांवित होंगे।  कृषि कार्य में होने वाले आर्थिक व्यय, शारीरिक श्रम एवं अन्य प्रकार के खर्चोंं से किसान मुक्त रहेंगे और भूमि के स्वामित्व का अधिकार भी सुरक्षित रहेगा तथा निर्धारित आय होती रहेगी। इन शर्तों के अनुसार पहली बार काम किया जा रहा है। बिचौलिए किसानों को बरगलाने में तुले डालमिया भारत के द्वारा प्रभावित किसानों की लिस्ट के अनुसार उन्हें मुआवजा देने की पक्रिया शुरू कर दी है, जिससे बिचौलियों को नुकसान होता दिख रहा है। ऐसे में वह किसानों को बरगला कर प्रोजेक्ट को डिले करने में तुले हुए हैं। चूंकि कंपनी किसानों से सीधे बात करने को तैयार है, इसके बाद भी भ्रम पैदा कर बिचौलिए किसानों को बरगला रहे हैं।

तमिलनाडु में चौंकाने वाला मामला, दिखा वक्फ संसोधन बिल का असर, 150 परिवारों को दरगाह ने दिया बेदखली का नोटिस

वेल्लोर तमिलनाडु के वेल्लोर जिले से एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है। यहां कट्टुकोल्लई गांव में लगभग 150 परिवारों पर आरोप लगाया गया है कि वे वक्फ संपत्ति पर अवैध कब्जा करके रह रहे हैं। इसके लिए एक दरगाह ने उन्हें बेदखली का नोटिस भी जारी किया है जिसके बाद गांव में तनाव की स्थिति बन गई है। इन नोटिसों के जवाब में कांग्रेस विधायक हसन मौलाना ने ग्रामीणों को भरोसा दिलाया है कि किसी को भी गांव से बेदखल नहीं किया जाएगा। हालांकि, मौलाना ने यह भी स्पष्ट किया कि अगर वक्फ बोर्ड के पास जमीन से जुड़े कानूनी दस्तावेज हैं और उनकी वैधता सिद्ध होती है, तो ग्रामीणों को थोड़ा किराया देना पड़ सकता है। उन्होंने कहा, “एक बार वक्फ, हमेशा वक्फ होता है।” क्या है पूरा मामला? मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक, विवाद की शुरुआत तब हुई जब कट्टुकोल्लई गांव के लगभग 150 परिवारों को एफ. सैयद सथाम नामक व्यक्ति की ओर से नोटिस भेजे गए। सथाम का दावा है कि यह जमीन एक स्थानीय दरगाह की वक्फ संपत्ति है, जो 1954 से वक्फ बोर्ड के अधीन है। नोटिस के अनुसार, एक ग्रामीण बालाजी पर आरोप है कि उसने वक्फ भूमि (सर्वे नंबर 362) पर मकान और दुकान बना ली है। नोटिस में कहा गया है कि सभी निवासियों को वक्फ नियमों का पालन करना होगा, अनुमति लेनी होगी और ग्राउंड रेंट देना होगा – अन्यथा उन्हें कानूनी रूप से बेदखल किया जा सकता है। वक्फ बोर्ड का पक्ष सैयद सथाम 2021 में अपने पिता की मृत्यु के बाद दरगाह और मस्जिद के संरक्षक बने थे। उनका कहना है कि उनके पास जमीन के मालिकाना हक से जुड़े दस्तावेज हैं। उन्होंने बताया कि उनके पिता अशिक्षित थे और उन्हें औपचारिकताओं की जानकारी नहीं थी, इसलिए उन्होंने ग्रामीणों से कभी किराया नहीं वसूला। अब वे इस “गलती” को सुधारना चाहते हैं। सथाम ने कहा कि अभी दो और नोटिस भेजे जाएंगे, और यदि फिर भी प्रतिक्रिया नहीं मिली तो वे मामला हाई कोर्ट में ले जाएंगे। ग्रामीणों का विरोध वहीं, ग्रामीणों का कहना है कि वे चार पीढ़ियों से इस जमीन पर रह रहे हैं और इसे अपनी पुश्तैनी संपत्ति मानते हैं। उन्होंने पक्के सरकारी दस्तावेज, पेंचायत टैक्स भुगतान और घर निर्माण की अनुमति जैसे प्रमाण भी दिखाए हैं। ग्रामीणों का गुस्सा इस बात को लेकर है कि जब सथाम के पिता ने कभी किराया नहीं मांगा, तो अब अचानक यह मांग क्यों उठ रही है। विवाद ने तब तूल पकड़ा जब डरे-सहमे ग्रामीण बड़ी संख्या में वेल्लोर के जिला कलेक्टर कार्यालय पहुंचे। हिंदू मुनानी के डिवीजनल सेक्रेटरी प्रवीण कुमार ने प्रशासन से अनुरोध किया कि ग्रामीणों को पट्टा (भूमि का वैध स्वामित्व प्रमाण पत्र) दिया जाए ताकि वे अपने घर और आजीविका को लेकर आश्वस्त हो सकें। जिला प्रशासन की भूमिका स्थानीय निवासियों के अनुसार, वेल्लोर जिला कलेक्टर ने अनौपचारिक रूप से उन्हें सलाह दी है कि वे फिलहाल कोई किराया न दें। हालांकि प्रशासन की ओर से अभी तक इस मुद्दे पर आधिकारिक बयान नहीं आया है। यह विवाद न केवल कानूनी पहलू से जुड़ा है, बल्कि सामाजिक और भावनात्मक स्तर पर भी ग्रामीणों के लिए चिंता का कारण बना हुआ है। आने वाले दिनों में यह देखना अहम होगा कि वक्फ बोर्ड के दावे कितने वैध साबित होते हैं और प्रशासन इसका समाधान किस प्रकार निकालता है।

इंडिया पोस्ट पेमेंट्स बैंक में निकली नौकरी

बैंक की बढ़िया सरकारी नौकरी करना चाहते हैं, तो आपके लिए इंडिया पोस्ट पेमेंट्स बैंक में फॉर्म निकले हुए हैं। यहां चीफ ऑपरेटिंग ऑफिसर समेत विभिन्न पदों पर आवेदन लिए जा रहे हैं, जो अभ्यर्थी अप्लाई करना चाहते हैं, वे फटाफट आवेदन की प्रक्रिया पूरी कर लें। लास्ट डेट 18 अप्रैल 2025 है। जिसके बाद बैंक की ऑफिशियल वेबसाइट www.ippbonline.com पर एक्टिव लिंक बंद हो जाएगा। सैलरी और योग्यता समेत पूरी डिटेल्स पद की डिटेल्स इंडियन पोस्ट पेमेंट्स बैंक लिमिटेड में ऑफिसर लेवल की शानदार नौकरी पाने का यह बढ़िया चांस हैं। किस पद के लिए कितनी रिक्तियां निकली हैं? इसकी डिटेल्स उम्मीदवार नीचे टेबल से देख सकते हैं। योग्यता आईपीपीबी में चीफ कंप्लायंस ऑफिसर बनने के लिए उम्मीदवारों का किसी मान्यता प्राप्त विश्वविद्यालय से ग्रेजुएट होना जरूरी है। सीए/सीएस/एमबीए फाइनेंस/पोस्ट ग्रेजुएट या समकक्ष योग्यता रखने वाले अभ्यर्थियों को प्रेफरेंस दी जाएगी। इसके अलावा अभ्यर्थियों के पास न्यूनतम 18 साल काम का अनुभव होना भी जरूरी है। चीफ ऑपरेटिंग ऑफिसर के लिए भी ग्रेजुएट और 18 वर्ष का अनुभव मांगा गया है। वहीं इंटरनल ओम्बड्समैन की पोस्ट पर ग्रेजुएट लेकिन शेड्यूल कमर्शियल बैंक/फाइनेंशनयल सेक्टर रेगुलरेट्री संस्थान से रिटायर्ड या डिप्टी जनरल मैनेजर के समकक्ष पद पर कार्यरत अभ्यर्थी आवेदन के योग्य हैं। योग्यता से जुड़ी अन्य डिटेल्स अभ्यर्थी विस्तार से भर्ती के आधिकारिक नोटिफिकेशन से भी चेक कर सकते हैं। डाउनलोड करें- IPPB Recruitment 2025 Official Notification Download PDF एज लिमिट आयुसीमा- चीफ कंप्लायंस ऑफिसर और चीफ ऑपरेटिंग ऑफिसर के पदों पर अभ्यर्थियों की उम्र 38 से 55 वर्ष होनी चाहिए। वहीं इंटरनल ऑम्बड्समैन के लिए 65 वर्ष से अधिक आयु नहीं न। आयुसीमा/ योग्यता की गणना 1 मार्च 2025 के आधार पर की जाएगी। चयन प्रक्रिया- इंटरव्यू, ग्रुप डिस्कशन, ऑलाइन टेस्ट आदि चरणों के आधार पर सेलेक्शन आधारित होगा। आवेदन शुल्क- एससी/एसटी/पीडब्ल्यूडी अभ्यर्थियों को फॉर्म भरने के दौरान 150 रुपये आवेदन शुल्क देना होगा। वहीं अन्य पदों के लिए यह शुल्क 750 रुपये है। काम की अवधि- इंडिया पोस्ट पेमेंट्स बैंक यह पद कॉन्ट्रेक्चुअल बेस पर भर रहा है। चीफ कम्प्लायंस ऑफिसर और चीफ ऑपरेटिंग ऑफिसर के काम की अवधि 3 साल तक होगी। जो 2 साल के लिए आगे बढ़ाई जा सकती है। वहीं इंटरनल ओम्बड्समैन तीन सालों के लिए अप्वाइंट किए जाएंगे।

slot server thailand super gacor

spaceman slot gacor

slot gacor 777

slot gacor

Nexus Slot Engine

bonus new member

olympus

situs slot bet 200

slot gacor

slot qris

link alternatif ceriabet

slot kamboja

slot 10 ribu

https://mediatamanews.com/

slot88 resmi

slot777

https://sandcastlefunco.com/

slot bet 100

situs judi bola

slot depo 10k

slot88

slot 777

spaceman slot pragmatic

slot bonus

slot gacor deposit pulsa

rtp slot pragmatic tertinggi hari ini

slot mahjong gacor

slot deposit 5000 tanpa potongan

mahjong

spaceman slot

https://www.deschutesjunctionpizzagrill.com/

spbo terlengkap

cmd368

368bet

roulette

ibcbet

clickbet88

clickbet88

clickbet88

bonus new member 100

slot777

https://bit.ly/m/clickbet88

https://vir.jp/clickbet88_login

https://heylink.me/daftar_clickbet88

https://lynk.id/clickbet88_slot

clickbet88

clickbet88

https://www.burgermoods.com/online-ordering/

https://www.wastenotrecycledart.com/cubes/

https://dryogipatelpi.com/contact-us/

spaceman slot gacor

ceriabet link alternatif

ceriabet rtp

ceriabet

ceriabet link alternatif

ceriabet link alternatif

ceriabet login

ceriabet login

cmd368

sicbo online live

Ceriabet Login

Ceriabet

Ceriabet

Ceriabet

Ceriabet