LATEST NEWS

आमला के रेल्वे स्टेडियम में रात्रिकालीन क्रिकेट प्रतियोगिता का हुआ आगाज ।

Night cricket competition started at Amla Railway Stadium. हरिप्रसाद गोहे आमला। आमला के रेल्वे खेल मैदान पर स्थानीय खिलाड़ियों का उत्साहवर्धन करने एवं उनकी प्रतिभाओं को निखारने स्वर्गीय श्रीमती गनिता बाई ऊईके की स्मृति में एवं ओम साईं टेंट के तत्वावधान में दूधिया रोशनी में रात्रिकालीन क्रिकेट प्रतियोगिता का आयोजन आयोजित किया जा रहा है।आयोजित प्रतियोगिता में तहसील स्तरीय खिलाड़ी भाग लेंगे जिस कारणक्षेत्र के क्रिकेट खिलाड़ियों में विशेष उत्साह देखा जा रहा है। प्रतियोगिता का भव्य शुभारंभ नगर पालिका उपाध्यक्ष किशोर माथनकर ने फीता काटकर किया गया । इस अवसर पर उन्होंने खिलाड़ियों को शुभकामनाएं देते हुए कहा कि इस तरह की प्रतियोगिताएं ग्रामीण और तहसील स्तर के खिलाड़ियों को आगे बढ़ने का अवसर देती हैं। उन्होंने कहा कि खेलों से युवाओं में अनुशासन, टीम भावना और प्रतिस्पर्धा की भावना विकसित होती है। आयोजित प्रतियोगिता में 12 टीमें हिस्सा ले रही हैं, जिनका गठन आईपीएल की तर्ज पर किया गया है।जिसमें विजेता टीम को 51 हजार रुपये और उपविजेता को 25 हजार रुपये का पुरस्कार मिलेगा । इस मौके पर आयोजन समिति के मुख्य सदस्य विकास ऊईके, सतीश मीना,राकेश धामोडे,गन्नू ठाकुर, अमित यादव, गोल्डी ठाकुर, आकाश यादव,सनी भमरकर, असलम शाह, जीतू मानकर और वासु तेजी सहित अन्य सदस्य मौजूद रहे। आयोजन समिति ने बताया कि आगामी दिनों में प्रतियोगिता के रोमांचक मुकाबले खेले जाएंगे, जिसमें आमला तहसील की विभिन्न टीमें हिस्सा लेंगी।उद्घाटन समारोह में बड़ी संख्या में क्रिकेट प्रेमी मौजूद रहे और पूरे मैदान में उत्साहपूर्ण माहौल देखने को मिला।

ईरानी तेल लेकर भारत आ रहा जहाज रास्ते में रुख बदल कर चीन की ओर बढ़ा

A ship carrying Iranian oil to India changed course and headed towards China. नई दिल्ली ! अमेरिकी प्रतिबंधों के दायरे में आने वाला ईरानी कच्चे तेल से भरा एक टैंकर जो पहले भारत आने वाला था, वह अब बीच रास्ते में अपना रुख बदलकर चीन की ओर बढ़ रहा है. जहाज ट्रैकिंग कंपनी ‘कप्लर’ के अनुसार ‘पिंग शुन’ नाम का अफ्रामैक्स टैंकर गुजरात के वाडिनार के बजाय अब अपना गंतव्य चीन के दोंगयिंग को बता रहा है. इस टैंकर को 2002 में बनाया गया था जिसे 2025 में अमेरिका ने प्रतिबंधित कर दिया था. जहाज के ऑटोमैटिक आइडेंटिफिकेशन सिस्टम (एआईएस) में दर्ज गंतव्य अंतिम हो, यह हालांकि जरूरी नहीं है और यात्रा के दौरान इसमें बदलाव भी हो सकता है. ‘कप्लर’ के रिफाइनिंग एवं मॉडलिंग विभाग के प्रमुख विश्लेषक सुमित रिटोलिया ने कहा, ‘‘पिछले तीन दिन से वाडिनार (भारत) की ओर बढ़ रहा ईरानी कच्चे तेल का जहाज ‘पिंग शुन’ भारत को गंतव्य सूची से हटाकर अब चीन का संकेत दे रहा है.’’ अगर यह खेप भारत पहुंचती, तो 2019 के बाद पहली बार भारत द्वारा ईरानी कच्चे तेल की खरीद होती. हाल ही में अमेरिका द्वारा दिए गए प्रतिबंधों में अस्थायी ढील के बाद भारतीय रिफाइनर समुद्र में मौजूद ईरानी तेल की कुछ खेप खरीदने की संभावनाएं तलाश रहे हैं. रिटोलिया ने कहा कि जहाज के गंतव्य में बदलाव का कारण भुगतान से जुड़ी शर्तें हो सकती हैं. विक्रेता पहले दिए जाने वाले 30-60 दिन के ‘क्रेडिट’ से हटकर अब तुरंत या कम समय में भुगतान की मांग कर रहे हैं. यह स्पष्ट नहीं है कि इस कच्चे तेल का वास्तविक खरीदार और विक्रेता कौन हैं. वाडिनार में रूसी तेल कंपनी रोसनेफ्ट समर्थित नायरा एनर्जी की दो करोड़ टन सालाना क्षमता वाली रिफाइनरी स्थित है. रिटोलिया ने कहा कि ईरानी कच्चे तेल के साथ यात्रा के दौरान गंतव्य बदलना असामान्य नहीं है, लेकिन यह दिखाता है कि अब व्यापारिक शर्तें एवं वित्तीय जोखिम भी लॉजिस्टिक्स जितने ही महत्वपूर्ण हो गए हैं. उन्होंने कहा कि यदि भुगतान से जुड़े मुद्दे सुलझ जाते हैं, तो यह खेप अब भी किसी भारतीय रिफाइनरी तक पहुंच सकती है. भारत का तेल मंत्रालय पहले ही कह चुका है कि ईरानी तेल की खरीद फिर शुरू करने का फैसला तकनीकी और व्यावसायिक व्यवहार्यता पर निर्भर करेगा. भारत ऐतिहासिक रूप से ईरानी कच्चे तेल का बड़ा खरीदार रहा है. रिफाइनरियों की अनुकूलता और बेहतर व्यावसायिक शर्तों के कारण भारत ‘ईरान लाइट’ और ‘ईरान हैवी’ श्रेणी का तेल बड़ी मात्रा में आयात करता था. अमेरिकी प्रतिबंध 2018 में कड़े होने के बाद मई 2019 से भारत ने ईरानी तेल आयात बंद कर दिया और इसकी जगह पश्चिम एशिया, अमेरिका तथा अन्य स्रोतों से तेल खरीदने लगा। उस समय भारत के कुल आयात में ईरानी तेल की हिस्सेदारी करीब 11.5 प्रतिशत तक पहुंच गई थी. भारत ने 2018 में प्रतिदिन लगभग 5.18 लाख बैरल ईरानी तेल खरीदा था, जो जनवरी-मई 2019 के दौरान घटकर 2.68 लाख बैरल प्रतिदिन रह गया. इसके बाद से कोई आयात नहीं हुआ. अमेरिका ने पिछले महीने ईरानी तेल की समुद्र में मौजूद खेप की खरीद पर 30 दिन की अस्थायी छूट दी थी, जिसका उद्देश्य बढ़ती तेल कीमतों को नियंत्रित करना था। यह छूट 19 अप्रैल को समाप्त होगी. अनुमान है कि समुद्र में मौजूद जहाजों पर करीब 9.5 करोड़ बैरल ईरानी तेल है जिसमें से करीब 5.1 करोड़ बैरल तेल भारत को बेचा जा सकता है. वहीं बाकी चीन और दक्षिण-पूर्व एशिया के खरीदारों के लिए अधिक उपयुक्त होगा. ‘पिंग शुन’ जहाज में करीब छह लाख बैरल तेल होने का अनुमान है जिसे चार मार्च के आसपास ईरान के खार्ग द्वीप से लादा गया था. इसका वाडिनार पहुंचने का अनुमानित समय चार अप्रैल बताया गया था। भुगतान व्यवस्था एक बड़ी चुनौती हालांकि बनी हुई है क्योंकि ईरान को वैश्विक बैंकिंग संदेश प्रणाली ‘स्विफ्ट’ से बाहर कर दिया गया है. भारत पहले ईरान से तेल की खरीद यूरो में तुर्किये के एक बैंक के माध्यम से करता था, लेकिन अब यह विकल्प उपलब्ध नहीं है. ईरान को 2012 में यूरोपीय संघ के प्रतिबंधों के बाद ‘स्विफ्ट’ से अलग कर दिया गया था। 2018 में अमेरिका द्वारा प्रतिबंध दोबारा लागू करने के बाद कई ईरानी बैंकों को फिर से इस प्रणाली से बाहर कर दिया गया जिससे अंतरराष्ट्रीय व्यापार, तेल भुगतान और विदेशी मुद्रा भंडार तक उसकी पहुंच काफी सीमित हो गई.

समय की राजधानी बनेगी उज्जैन, ‘महाकाल: द मास्टर ऑफ टाइम’ में हुई चर्चा, साइंस सिटी की भी मिली सौगात

Ujjain to become the capital of time, discussed in ‘Mahakal: The Master of Time’, also gets the gift of a Science City उज्जैन ! महाकाल की नगरी उज्जैन में ‘महाकाल: द मास्टर ऑफ टाइम’ का आयोजन किया गया। इस सम्मेलन में उज्जैन को काल गणना नगरी बनाने की बात कही गई तो दूसरी ओर ग्रीनविच मीन टाइम को महाकाल स्टैंडर्ड टाइम बनाने पर फोकस किया गया। कार्यक्रम का आयोजन उज्जैन के तारामंडल परिसर में हुआ। इसके साथ ही उज्जैन सिंहस्थ-2028 के लिए 19.80 किलोमीटर लंबे 701.86 करोड़ रुपये की लागत के 4 लेन बायपास और 22.52 करोड़ रुपए की सम्राट विक्रमादित्य द हेरिटेज इकाई की विस्तार परियोजना का भूमिपूजन हुआ। विज्ञान की नगरी भी है उज्जैनसीएम मोहन यादव ने कहा कि उज्जैन धर्म की नगरी होने के साथ-साथ विज्ञान की भी नगरी है। महाकाल की इस नगरी की माटी में विज्ञान-गणित-खगोल-ब्रह्मांड का चिंतन सदियों से विद्यमान है। उज्जैन काल गणना का केंद्र रहा। यहां प्राचीन काल में सूर्य की छाया से समय नापने की कला विकसित हुई। प्राचीन भारतीय भूगोल के अनुसार उज्जैन कर्क रेखा पर स्थित है और इसे पृथ्वी का मध्य बिंदु माना जाता था। ग्रीनविच के वैश्विक मानक के अस्तित्व में आने से सदियों पहले शून्य देशांतर रेखा उज्जैन से होकर गुजरती थी। उन्होंने कहा कि जब पश्चिम में खगोल शास्त्र का ज्ञान भी नहीं था, तब उज्जैन के ज्योतिष और विद्वान काल गणना के आधार पर नक्षत्र की स्थिति बता रहे थे। जब दुनिया समय को परिभाषित करना सीख रही थी, तब यहां महर्षियों ने खगोलीय गणनाओं का वैश्विक मानक स्थापित किया। मोहन यादव ने कहा कि विज्ञान के अनुसार ब्रह्मांड की हर वस्तु समय के अधीन है। लेकिन, शिव उस अनंत का प्रतीक हैं जहां से समय जन्म लेता है और जहां समय का अंत होता है। इसीलिए वे काल के अधिष्ठाता यानी मास्टर ऑफ टाइम हैं। उज्जैन में सूर्य की छाया हो जाती है शून्यइसके साथ ही सीएम मोहन यादव ने कहा कि भूमध्य रेखा और कर्क रेखा का कटाव या केंद्र बिंदु पहले उज्जैन में था, जो अब यहां से 32 किलोमीटर दूर डोंगला में शिफ्ट हो गया है। यहां 21 जून को सूर्य की छाया शून्य हो जाती है। ग्रीनविच के मीन टाइम में रात को 10 बजे तक सूर्य के दर्शन होते हैं। यह केंद्र बिंदु कैसे हो सकता है। आज समय और स्पेस दोनों को एक दूसरे से समेकित रूप ले समझने की आवश्यकता है। उन्होंने कहा कि यह हम सब के लिए गौरव का विषय है कि उज्जैन को साइंस सिटी के रूप में स्थापित किया जा रहा है। उज्जैन को मिलीं कई सौगातेंवहीं, उज्जैन को कई सौगातें भीमिली है। 15 करोड़ रुपए की लागत से साइंस सिटी का उद्घाटन किया गया है। मोहन यादव ने कहा कि आने वाला सिंहस्थ 2028 हमारे लिए उज्जैन की गरिमा को वैश्विक स्तर पर स्थापित करने का स्वर्णिम अवसर है। सिंहस्थ में लगभग 40 करोड़ श्रद्धालु आएंगे। वे महाकाल दर्शन का पुण्य प्राप्त करने के साथ-साथ काल गणना के इस केंद्र का वैज्ञानिक महत्व भी जानेंगे। उन्होंने कहा कि भव्य और दिव्य सिंहस्थ के आयोजन के लिए तैयारियां चल रही हैं। आज ही उज्जैन को करीब 20 किलोमीटर के नए बायपास रोड का भूमिपूजन हुआ है। पुराने गौरव को है लौटानाकेंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने कहा कि अगर हमारे धार्मिक स्थलों को अध्ययन के स्तर पर देखा जाए तो उज्जैन, काशी, कांची और पुरी धाम भारतीय ज्ञान परंपरा विज्ञान-कला-संस्कृति-साहित्य-आध्यात्म आधारित प्रयोगशालाएं हैं। विज्ञान अध्यात्म के बिना अधूरा है। महाकाल की नगरी उज्जैन हमारी संस्कृति का पवित्र स्थान है, जिसका विशेष सांस्कृतिक महत्व है। दुनिया के किसी भी अनुसंधान को देखा जाए तो उज्जैन के बिना काल की गणना अधूरी है। यहां पृथ्वी की मध्य रेखा और कर्क रेखा का केंद्र बिंदु उज्जैन या उसके आसपास ही है। पश्चिमी देशों के लिए टाइम सिर्फ गणना है, लेकिन भारतीय सभ्यता में समय और टाइम में अंतर है। समय एक भावना और अभिव्यक्ति है। पश्चिमी कैलेंडर में दिन 30 या 31 तक सीमित हैं। भारत में पल-पल की वैज्ञानिक व्याख्या है। उन्होंने कहा कि आज भारत स्पेस टेक्नोलॉजी में अग्रणी देश बनकर उभरा है।

MP के शिक्षकों को बड़ी सौगात, 35 साल की सेवा पर मिलेगा चौथा वेतनमान, 3 से 5 हजार रुपये बढ़ेगी मासिक सैलरी

MP teachers get a big gift: Fourth pay scale after 35 years of service, monthly salary will increase by 3,000 to 5,000 rupees. भोपाल। मध्य प्रदेश सरकार ने लंबे समय से सेवा दे रहे शासकीय शिक्षकों को बड़ी राहत दी है। 35 वर्ष की सेवा पूरी कर चुके शिक्षकों को अब चतुर्थ क्रमोन्नत वेतनमान का लाभ मिलेगा। यह सुविधा एक जुलाई 2023 या उसके बाद पात्रता पूरी करने वाले शिक्षकों पर लागू होगी। 15 हजार शिक्षकों को अभी से लाभसरकार के इस फैसले से प्रदेश के करीब सवा लाख शिक्षक लाभान्वित होंगे, जिनमें से लगभग 15 हजार शिक्षकों को इसी वित्तीय वर्ष में इसका फायदा मिलने लगेगा। इस वेतनमान के लागू होने से पात्र शिक्षकों को हर महीने तीन से पांच हजार रुपये तक की अतिरिक्त राशि मिलेगी। इस योजना के लिए कैबिनेट द्वारा 322.34 करोड़ रुपये की मंजूरी दी जा चुकी है। इसके दायरे में सहायक शिक्षक, शिक्षक, प्राथमिक शिक्षक, खेल, संगीत-नृत्य, विज्ञान, आईटी और माध्यमिक शिक्षक सहित विभिन्न शैक्षणिक पद शामिल किए गए हैं। शिक्षक दिवस पर की थी घोषणागौरतलब है कि मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने 5 सितंबर 2025 को शिक्षक दिवस के अवसर पर इस योजना की घोषणा की थी। अब इसे अमल में लाते हुए हजारों शिक्षकों को आर्थिक लाभ देने की दिशा में कदम बढ़ाया गया है। मध्य प्रदेश शिक्षक संघ के प्रदेश अध्यक्ष क्षत्रवीर सिंह राठौर के अनुसार, एक जुलाई 2023 तक 35 वर्ष की सेवा पूरी कर चुके शिक्षक (भले ही वे सेवानिवृत्त हो चुके हैं) भी इस लाभ के पात्र होंगे। पहले यह सुविधा केवल सीधे भर्ती हुए लेक्चरर, सहायक संचालक और प्राचार्यों को मिल रही थी, अब अन्य शिक्षकों को भी इसका लाभ मिलेगा।

आधी रात खुला विधानसभा सचिवालय: जीतू पटवारी व पीसी शर्मा ने दतिया विधायक के मुद्दे पर भाजपा को घेरा, कही ये बात

Assembly Secretariat opened at midnight: Jitu Patwari and PC Sharma surrounded the BJP on the issue of Datia MLA, said this भोपाल ! विधानसभा सचिवालय को लेकर सियासत गरमा गई है। कांग्रेस ने बड़ा आरोप लगाते हुए कहा है कि विधायक राजेंद्र भारती की सदस्यता खत्म करने की प्रक्रिया के लिए देर रात विधानसभा सचिवालय खोला गया। कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष जीतू पटवारी ने आरोप लगाया कि यह पूरी कार्रवाई भाजपा के इशारे पर की जा रही है। उन्होंने कहा कि यह लोकतांत्रिक व्यवस्था के खिलाफ है और संवैधानिक संस्थाओं का दुरुपयोग किया जा रहा है। पीसी शर्मा के साथ पहुंचे विधानसभामामले की जानकारी मिलते ही जीतू पटवारी, पूर्व मंत्री पीसी शर्मा के साथ विधानसभा पहुंचे और इस पर आपत्ति दर्ज कराई। उन्होंने कहा कि रात में सचिवालय खोलना कई सवाल खड़े करता है। पटवारी ने कहा कि विधानसभा सचिवालय एक स्वतंत्र संवैधानिक संस्था है, लेकिन जिस तरह से रात में काम किया गया, वह पूरी तरह अस्वीकार्य है। कांग्रेस ने इसे राजनीतिक गुंडागर्दी और सत्ता का दुरुपयोग बताया है। राजेंद्र भारती की सदस्यता पर घमासानकांग्रेस का दावा है कि विधायक राजेंद्र भारती की सदस्यता खत्म करने की कार्रवाई राजनीतिक दुर्भावना से प्रेरित है। पार्टी ने साफ किया है कि इस मुद्दे पर वह पूरी ताकत से लड़ाई लड़ेगी। फिलहाल इस पूरे मामले पर भाजपा की ओर से कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है, जिससे राजनीतिक हलकों में चर्चा और तेज हो गई है। क्या है भारती का मामला? यहां जानेंयह पूरा मामला वर्ष 1998 का है, जब श्याम सुंदर संस्थान की ओर से बैंक में 10 लाख रुपये की एफडी कराई गई थी। आरोप है कि राजेंद्र भारती ने बैंक के लिपिक रघुवीर प्रजापति के साथ मिलकर दस्तावेजों में हेरफेर की और एफडी की अवधि तीन साल से बढ़ाकर 15 साल कर दी।बताया जाता है कि वर्ष 1999 से 2011 के बीच करीब 13.5 प्रतिशत ब्याज दर के आधार पर हर साल लगभग 1.35 लाख रुपये निकाले जाते रहे। साल 2011 में जब भाजपा नेता पप्पू पुजारी बैंक के अध्यक्ष बने, तब इस गड़बड़ी का खुलासा हुआ। जांच के दौरान एफडी पर ऑडिट आपत्ति भी दर्ज की गई। इसके बाद मामला उपभोक्ता फोरम से होते हुए सुप्रीम कोर्ट तक पहुंचा, लेकिन वहां से भी राहत नहीं मिल सकी। अंततः वर्ष 2015 में इस मामले में आपराधिक प्रकरण दर्ज किया गया और अब अदालत ने दोनों आरोपियों को दोषी ठहराते हुए सजा सुना दी है।

आपसी राजीनामा होने के बावजूद दूसरा पक्ष राशि देने में टालमटोल कर रहा था। एसडीएम की पहल पर दिव्यांग व्यक्ति को नगद 70 हजार रुपये मिले । 

Despite a mutual settlement, the other party was still delaying the payment. On the SDM’s initiative, the disabled man received 70,000 rupees in cash.  हरिप्रसाद गोहे  आमला। अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व) आमला श्री शैलेन्द्र बड़ौनियाँ की पहल पर एक दिव्यांग व्यक्ति को उसका बकाया भुगतान दिलाया गया। आपसी राजीनामा होने के बावजूद दूसरा पक्ष राशि देने में अनाकानी कर रहा था। जानकारी के अनुसार, ग्राम मालेगांव निवासी रघुराज पिता मेहतू पाल एवं संतोष पिता मेहतू पाल आपस में सगे भाई हैं। दोनों के बीच खानदानी जमीन को लेकर विवाद हो गया था, जिस पर दोनों पक्षों ने जिला कलेक्टर बैतूल को शिकायत भी दी थी। बाद में दोनों पक्षों के बीच आपसी सहमति से राजीनामा हुआ, जिसमें तय हुआ कि रघुराज पाल, संतोष पाल को 70 हजार रुपये दो किस्तों में देगा। साथ ही भूमि संबंधी शर्तें भी निर्धारित की गईं। बताया गया कि तय शर्तों के अनुसार राशि का भुगतान नहीं किया जा रहा था, जिस पर मामला एसडीएम आमला के समक्ष पहुंचा। एसडीएम बड़ौनियाँ के हस्तक्षेप के बाद संबंधित पक्ष से नगद 70 हजार रुपये दिलवाए गए। प्रशासन की सख्ती से मिला लाभ एसडीएम शैलेन्द्र बडोनिया की सक्रियता से दिव्यांग व्यक्ति को त्वरित राहत मिली। एसडीएम बडोनिया ने स्पष्ट किया है कि आपसी समझौते के बाद शर्तों का पालन नहीं करने वालों के विरुद्ध आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।

कृषक अपने खेतों में नरवाई न जलाए , एसडीएम शैलेन्द्र बड़ोनिया ।

Farmers should not burn stubble in their fields, SDM Shailendra Bardoniya. हरिप्रसाद गोहे आमला। मध्यप्रदेश शासन पर्यावरण विभाग के निर्देश अनुसार अनुविभागीय अधिकारी राजस्व आमला शैलेन्द्र बड़ोनिया ने आमला अनुभाग अंतर्गत आने वाले ग्रामों में नरवाई जलाने वाले कृषक बैजनाथ पिता पिरथ निवासी ग्राम छिनया पिपरिया ,मुन्‍नालाल पिता फंदीलाल ब्राह्मणवाडा एवं कृषक प्यारेलाल वल्द गिरधारी नएगांव पर एन जी टी के आधार पर 2500 का जुर्माना आरोपित कर राशि जमा कराई गई तथा क्षेत्र के कृषकों से अपील की गई शासन एवं एन जी टी के निर्देशों का पालन करते हुए कृषक अपने खेतो में नरवाई न जलाये तथा पर्यावरण को प्रदूषित नहीं करेंगे एवं किसी कृषक द्वारा नरवाई में आग लगाई जाती है तो उसके विरुद्ध एफ आई आर दर्ज कराई जावेगी।

जबलपुर में भव्य भागवत कथा एवं धार्मिक आयोजनों की श्रृंखला 28 मार्च से

A series of grand Bhagwat Katha and religious events will begin in Jabalpur from March 28. विशेष संवाददाता : जितेन्द्र श्रीवास्तव/अर्पिता श्रीवास्तव जबलपुर ! विजय नगर क्षेत्र में श्रद्धा और भक्ति से ओतप्रोत धार्मिक आयोजनों की भव्य शुरुआत 28 मार्च 2026 से होने जा रही है। कार्यक्रम के तहत सात दिवसीय भागवत कथा, विभिन्न धार्मिक अनुष्ठान और सांस्कृतिक आयोजन आयोजित किए जाएंगे, जिसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के शामिल होने की संभावना है। कार्यक्रम का शुभारंभ 28 मार्च, शनिवार को कलश यात्रा एवं भागवत महाकथा के साथ होगा। इसके बाद 29 मार्च को भगवान मंगलाचरण, भोग सज्जा एवं ध्वजारोहण का आयोजन किया जाएगा। 30 मार्च को विभिन्न धार्मिक संस्कार एवं रस्में होंगी, जबकि 31 मार्च को रास उत्सव, गोवर्धन पूजा और श्रीराम जन्म एवं श्रीकृष्ण जन्मोत्सव जैसे प्रमुख आयोजन संपन्न होंगे। आगे 1 अप्रैल को नंदोत्सव, फूल बंगला एवं गोवर्धन धाम (छप्पन भोग) का आयोजन होगा। 2 अप्रैल को महारास लीला, गोपी उत्सव संवाद एवं रुक्मिणी विवाह जैसे आकर्षक कार्यक्रम होंगे। 3 अप्रैल को सुदामा चरित्र और सुदामा मिलन कथा के साथ कार्यक्रम का समापन होगा। अंतिम दिन हवन, पूर्णाहुति एवं भंडारा दोपहर 12 बजे से आयोजित किया जाएगा। यह धार्मिक आयोजन विजय नगर, 90 क्वार्टर, कचनार गेट नंबर 2, ओल्ड किराना, जबलपुर में आयोजित होगा। आयोजकों द्वारा सभी श्रद्धालुओं से कार्यक्रम में शामिल होकर धर्म लाभ लेने की अपील की गई है।

महंगाई, गैस संकट और बढ़ती बिजली दरों के खिलाफ कांग्रेस का प्रदर्शन

Congress protests against inflation, gas crisis and rising electricity rates खंडवा ! जिले के पुनासा में बढ़ती महंगाई और मूलभूत सुविधाओं पर पड़ रहे आर्थिक बोझ के विरोध में जिला ग्रामीण कांग्रेस ने जोरदार प्रदर्शन किया। भाजपा सरकार की नीतियों को जनविरोधी बताते हुए कार्यकर्ताओं ने एलपीजी गैस की किल्लत, पेट्रोल-डीजल की लगातार बढ़ती कीमतों और 1 अप्रैल से लागू नई बिजली दरों के खिलाफ आवाज उठाई। जिला ग्रामीण कांग्रेस अध्यक्ष उत्तमपाल सिंह के नेतृत्व में आयोजित इस प्रदर्शन में बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ता और स्थानीय नागरिक शामिल हुए। प्रदर्शनकारियों ने सरकार पर आम जनता को महंगाई के बोझ तले दबाने का आरोप लगाते हुए कहा कि लगातार बढ़ती कीमतों से आम आदमी का बजट पूरी तरह बिगड़ गया है। प्रदर्शन के दौरान कार्यकर्ताओं ने राज्यपाल के नाम ज्ञापन सौंपकर मांग की कि बिजली दरों में की गई वृद्धि को तुरंत वापस लिया जाए, साथ ही पेट्रोल-डीजल और गैस सिलेंडर के दामों में राहत दी जाए। कांग्रेस नेताओं ने चेतावनी दी कि यदि सरकार ने जल्द ही जनता को राहत नहीं दी, तो आंदोलन को और व्यापक किया जाएगा। इस प्रदर्शन के माध्यम से कांग्रेस ने साफ संदेश दिया कि वह जनहित के मुद्दों को लेकर लगातार संघर्ष करती रहेगी।

मां बूड़ी खरमाई के जवारों का श्रद्धा और आस्था के साथ विसर्जन

Immersion of the Jawaras of Mother Budi Kharmai with reverence and faith विशेष संवाददाता: जितेन्द्र श्रीवास्तव/अर्पिता श्रीवास्तव जबलपुर ! नगर में चैत्र नवरात्रि के समापन अवसर पर मां बूड़ी खरमाई के जवारों का विसर्जन पूरे श्रद्धा, भक्ति और उत्साह के साथ किया गया। सुबह से ही मंदिर परिसर में भक्तों की भारी भीड़ उमड़ी, जहां माता रानी की विधिवत पूजा-अर्चना के बाद जवारों को विसर्जन यात्रा के लिए तैयार किया गया। भक्तजन ढोल-नगाड़ों और भजन-कीर्तन के साथ जयकारे लगाते हुए शोभायात्रा के रूप में जवारों को लेकर निकले। पूरा मार्ग “जय माता दी” के उद्घोष से गूंज उठा। महिलाएं और पुरुष पारंपरिक वेशभूषा में शामिल हुए, वहीं युवाओं और बच्चों में भी विशेष उत्साह देखने को मिला। शोभायात्रा नगर के प्रमुख मार्गों से होते हुए निर्धारित विसर्जन स्थल तक पहुंची, जहां विधि-विधान के साथ जवारों का विसर्जन किया गया। इस दौरान प्रशासन द्वारा सुरक्षा और व्यवस्था के पुख्ता इंतजाम किए गए थे, जिससे कार्यक्रम शांतिपूर्ण और सुव्यवस्थित ढंग से संपन्न हुआ। इस धार्मिक आयोजन ने क्षेत्र में आस्था, एकता और सामाजिक समरसता का संदेश दिया। भक्तों ने मां से सुख-समृद्धि और खुशहाली की कामना की।

विवेकानंद विजडम स्कूल में प्रेक्षा गृह का उद्घाटन, 151 कन्याओं का पूजन व कन्या भोज

Inauguration of auditorium at Vivekananda Wisdom School, worship of 151 girls and Kanya Bhoj विशेष संवाददाता: जितेन्द्र श्रीवास्तव/अर्पिता श्रीवास्तव जबलपुर ! आज विवेकानंद विजडम इंटरनेशनल पब्लिक विद्यालय में प्रथम तल पर नव निर्मित “विवेकानंद प्रेक्षा गृह” का विधिवत उद्घाटन किया गया। इस पावन अवसर पर 151 कन्याओं का पूजन एवं कन्या भोज का भव्य आयोजन हुआ, जिसमें बालिकाओं ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। नई साज-सज्जा से सुसज्जित विद्यालय परिसर में आयोजित इस कार्यक्रम ने सांस्कृतिक एवं आध्यात्मिक वातावरण का सुंदर समन्वय प्रस्तुत किया। उपस्थित बालिकाओं ने आयोजन का भरपूर आनंद लिया और विद्यालय की व्यवस्थाओं की सराहना की।कार्यक्रम में विद्यालय की प्रशासनिक प्रमुख श्रीमती सविता श्रीवास्तव सहित स्टाफ सदस्य—प्रगति पांडे, रिया राय, महिमा चौबे, स्वाति मैडम, आस्था मैडम, अल्पना मैडम, आदर्श सर, दीपक सर एवं लक्ष्मीकांत पटेल ने सक्रिय सहभागिता निभाई। आयोजन को सफल बनाने में सभी का महत्वपूर्ण योगदान रहा।

रक्तदान से बड़ा कोई दान नहीं है, क्योंकि यह सीधे किसी को जीवनदान देता है: राहुल ढेडे

There is no greater donation than blood donation, as it directly gives life to someone: Rahul Dhede हरिप्रसाद गोहेआमला | अमर शहीद भगत सिंह, सुखदेव और राजगुरु के 95वें शहीद दिवस पर रविवार को आमला की धरा पर सेवा और संवेदना का एक दुर्लभ संगम देखने को मिला। अवसर था जन सेवा कल्याण समिति और बचपन प्ले स्कूल द्वारा आयोजित विशाल रक्तदान शिविर का। यह आयोजन केवल एक रक्तदान शिविर नहीं, बल्कि उन शहीदों और समाजसेवियों के प्रति एक भावनात्मक ऋणांजलि बन गया, जिन्होंने अपना जीवन दूसरों के लिए समर्पित कर दिया। भीमनगर स्थित बचपन प्ले स्कूल में आयोजित इस ‘रक्तदान के महाकुंभ’ में 165 यूनिट रक्त एकत्रित हुआ। यह शिविर स्वर्गीय पंकज उसरेठे (जिन्हें नगर ‘खून वाले बाबा’ के नाम से जानता है) और स्वर्गीय शशि टिकारे की पावन स्मृति में आयोजित किया गया। शिविर की सबसे भावुक कर देने वाली तस्वीर तब दिखी जब रक्तदाताओं को उन अमर शहीदों के परिजनों द्वारा हस्ताक्षरित विशेष सम्मान पत्र और ट्रॉफी भेंट की गई। अपने हाथों में शहीदों के परिवार का आशीर्वाद पाकर कई युवाओं की आंखें नम हो गईं और उनका सीना गर्व से चौड़ा हो गया। नारी शक्ति का जज्बा: पहली बार रक्तदान कर तोड़ी झिझक, 20 बार दान करने वाले ‘रक्तवीरों’ का भी हुआ सम्मान शिविर में केवल युवा ही नहीं, बल्कि नारी शक्ति का भी अद्भुत उत्साह देखने को मिला। कई महिलाओं ने पहली बार सुई के डर को पीछे छोड़कर केवल इसलिए हाथ आगे बढ़ाया कि उनका रक्त किसी का जीवन बचा सके। शिविर में नगर के वे 20 अनुभवी रक्तदाता भी पहुंचे, जो अब तक 20 से अधिक बार रक्तदान कर चुके हैं। समिति ने इन ‘मौन साधकों’ का विशेष सम्मान किया, जो सालों से बिना किसी प्रचार के मानवता की सेवा कर रहे हैं। राहुल धेण्डे बोले- शहीद दिवस पर युवाओं का जुटना प्रमाण है कि नई पीढ़ी में सेवा भाव जीवित है जन सेवा कल्याण समिति के अध्यक्ष राहुल धेण्डे ने इस मौके पर युवाओं को संबोधित करते हुए भावुक स्वर में कहा, “रक्तदान से बड़ा कोई दान नहीं है, क्योंकि यह सीधे किसी को जीवनदान देता है। आज शहीद दिवस पर इतनी बड़ी संख्या में युवाओं का जुटना इस बात का प्रमाण है कि हमारी नई पीढ़ी में अपने देश और शहीदों के प्रति गहरा सम्मान और सेवा भाव आज भी जीवित है।” जनसेवा कल्याण समिति उपाध्यक्ष अनिल सोनपुरे और समिति के अमित यादव ने भी सभी रक्तवीरों के इस हौसले को सलाम किया। संकल्प: रक्त की कमी से अब किसी की जान नहीं जाने देंगे – सागर सिंह चौहान नीरज बारसकर समिति के सक्रिय सदस्य सागर सिंह चौहान, नीरज बारसकर ने संस्था के अटूट संकल्प को दोहराया। उन्होंने कहा कि हमारा लक्ष्य क्षेत्र में रक्त की कमी के कारण होने वाली असामयिक मौतों को शून्य पर लाना है। संस्था के वॉलंटियर चौबीसों घंटे इस मिशन में जुटे रहते हैं कि जब भी किसी जरूरतमंद को रक्त की आवश्यकता हो, उसे भटकना न पड़े। जनप्रतिनिधियों और गणमान्य नागरिकों ने बढ़ाया उत्साह शिविर में मुख्य अतिथि के रूप में नपा अध्यक्ष नितिन गाडरे, प्रदेश कांग्रेस प्रतिनिधि मनोज मालवे, नगर कांग्रेस अध्यक्ष विजेंद्र भावसार, कांग्रेस सेवादल विधानसभा प्रभारी जितेंद्र शर्मा और प्रदेश उपाध्यक्ष चंद्रशेखर सिंह चंदेल, उपस्थित रहे। अतिथियों ने स्वयं रक्तदाताओं के पास जाकर उन्हें प्रमाण पत्र वितरित किए और इस पुनीत कार्य की मुक्तकंठ से सराहना की। इनकी रही गरिमामयी उपस्थिति इस पुनीत कार्य को सफल बनाने में बचपन प्ले स्कूल संचालक कैलाश ठाकरे, नीरज बारस्कर, आकाश जैन, चंद्रकिशोर टिकारे, डॉ. शिशिरकांत गुगनानी, भावेश मालवीय, राजा राठौर, अजय गंगारे, अनिल सोनी, जीवन कहार, नितिन ठाकुर, मोना कनोजे, शुभम खातरकर, सावन चौहान, योगेश सोलंकी और हर्षित ठाकरे, विक्की ठाकुर का विशेष योगदान रहा। बैतूल से आई मेडिकल टीम में शैलेंद्र बिहारिया, ब्लड बैंक अधिकारी डॉ. अंकिता सीते, राजेश बोड़कड़े, मुकेश कुमरे, अजय साहू और नीलेश जवलकर सहित बड़ी संख्या में युवाओं ने अपनी सेवाएं दीं।

बचपन एवं ए एच पी एस आमला में रिकॉर्ड 166 यूनिट रक्तदान ।

Record 166 units of blood donated in Bachpan and AHPS Amla. हरिप्रसाद गोहे आमला। लोग कहते है दुनिया मे अच्छाई खत्म हो रही है,लेकिन जब तक संवेदना समेटे लोग यहां उपस्थित है, तो खत्म होने की बात तो दूर,अच्छाई बीमार भी नहीं पड़ सकती।अच्छाई का ऐसा ही प्रतिरूप आमलावाले भी है, जो अपनी उपस्थिति से हमेशा अच्छाई के भाव को सार्थक करते है, रविवार को बचपन प्ले स्कूल एवं ए एच पी एस आमला में आयोजित रक्तदान शिविर में पुनः आमला वालो ने अच्छाई के भाव को व्यक्त किया एवं भरी गर्मी में 166 यूनिट रक्तदान कर परोपकार की एक नई परिभाषा का सृजन किया एवं रक्त की कमी से जूझ रहे ब्लड बैंक को पुनः रक्त से भर दिया , रक्तदान शिविर में महिलाओं एवं नए रक्तदाताओं के द्वारा भी प्रमुख रूप से सफल बनाने में सहयोग दिया गया। शिविर में जिला ब्लड बैंक अधिकारी अंकिता सीते एवं मां शारदा समिति बैतूल से शैलेन्द्र बिहारिया ,निमिष मालवीय रक्तदाताओं का हौसला बढ़ाने के लिए विशेष रूप से उपस्थित थे ।आयोजन समिति के नीरज बारस्कर एवं राहुल ढेड़ें ने बताया गर्मी की तीव्रता सभी को परेशान किये हुए है,साथ ही नवरात्रि के उपवास बीते है, ऐसे में अंदाजा नही था कि इस बार भी इतनी सफलता रक्तदान शिविर को मिलेगी,परन्तु रक्तदाताओं ने सभी कयासों को झूठा साबित करते हुए,इस प्रयास को भी सफल बनाया।सागर चौहान व हर्षित ठाकरे बताते है कि स्वर्गीय पंकज उसरेठे एवं स्वर्गीय शशि टिकारे की स्मृति में आयोजित होने वाला ये रक्तदान शिविर शहर के स्थायी वार्षिक आयोजनों में शामिल हो चुका है, जिसमे प्रतिवर्ष रक्तदाता बढ़ चढ़कर भाग लेते है। कैलाश ठाकरे एवं डॉक्टर शिशिर गुगनानी के अनुसार रक्तदान शिविर की सफलता इस बात का द्योतक है कि शहर में रक्तदान के प्रति जागरूकता का स्तर कितना ऊंचा हो गया है। ज्ञात हो कि वीरता के प्रतीक भगत सिंह,सुखदेव व राजगुरु के 95वे शहादत दिवस को समर्पित ये रक्तदान शिविर बचपन प्ले स्कूल व जनसेवा कल्याण समिति के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित किया गया था। इसमें शहर की विभिन्न रक्तदान समितियों का भी विशेष सहयोग प्राप्त हुआ।जनसेवा कल्याण समिति के अनिल सोनपुरे ,आकाश जैन एवं चंद्रकिशोर टीकारे बताते है, शहर का युवावर्ग ही नही बल्कि महिलाएं व 60 वर्ष तक के पुरुष भी रक्तदान के प्रति अब सजग हो चुके है, इतनी तेज गर्मी के बावजूद इतनी बड़ी संख्या में रक्तदाताओं का जोश यही बताता है। नितिन ठाकुर व अमित यादव ने जानकारी दी कि इस शिविर में रक्तदान के साथ रक्त समूह परीक्षण की भी व्यवस्था थी,जिसका लाभ बड़ी संख्या में उपस्थित शहरवासियों ने उठाया।शुभम खातरकर व भावेश मालवीय ने बताया आमला अब पूरे जिले में रक्तदान के मामले में अग्रणी बन गया है, ये हमारे शहर के लिए बहुत गौरव की बात है।आयोजन समिति के राजा राठौर , रामानंद बेले ,मोना कनोजे , सावन चौहान , योगेश सोलंकी , विक्की ठाकुर ,पीयूष परसाई ने जानकारी दी कि थैलेसीमिया,सिकलसेल व घायलों को प्रतिदिन कई यूनिट रक्त की आवश्यकता पड़ती है, और रक्त की व्यवस्था का एकमात्र विकल्प रक्तदान ही है, परोपकारी हृदय वाले रक्तदाता जो रक्तदान करते है उसी से इन आवश्यकता की पूर्ति हो पाती है, इसलिए आयोजन समिति कृतज्ञ भाव के साथ सभी रक्तदाताओं को धन्यवाद देती है।शिविर में विशेष अतिथि के रूप में नपा अध्यक्ष नितिन गाडरे, प्रदेश कांग्रेस प्रतिनिधि मनोज मालवे, नगर कांग्रेस अध्यक्ष विजेंद्र भावसार, कांग्रेस सेवादल विधानसभा प्रभारी जितेंद्र शर्मा और प्रदेश उपाध्यक्ष चंद्रशेखर सिंह चंदेल,उपस्थित रहे , एवं करनी सेना , सहयोग फाउंडेशन एवं जामा मस्जिद कमिटी , महावीर गोशाला समिति आमला एवं अन्य सक्रिय समितियों के सदस्यों की भी सराहनीय उपस्थिति रही।आयोजन में बिना थके ,बिना रुके रक्तदान कराने वाली ब्लड बैंक टीम बैतूल के राजेश बोरखेडे , मुकेश कुमरे,अजय साहू ,निलेश जावलकर एवं अन्य स्टाफ का आयोजन समिति ने हृदय से धन्यवाद किया है एवं शिविर को सफल बनाने में स्कूल के संपूर्ण स्टाफ का भी विशेष रूप से अतुलनीय सहयोग रहा ।

सरदार पटेल की जयंती पर थाना आमला पुलिस ने किया साईकिल रैली का आयोजन।

Amla police station organised a cycle rally on the birth anniversary of Sardar Patel. हरिप्रसाद गोहे  आमला । सरदार पटेल की 150 वी जयंती के उपलक्ष्य में आज थाना आमला द्वारा स्कूली बच्चों के साथ साईकिल रैली का आयोजन किया गया। आयोजित रैली में थाना प्रभारी आमला एवं पुलिस स्टाफ सहित लाइक कैरियर स्कूल के बच्चे, शिक्षक, गोविंद कालोनी, राठौर मोहल्ला के बच्चे मौजूद रहे। रैली के माध्यम से सरदार पटेल के जीवन और उनके योगदान के बारे में बताया गया। यह आयोजन बच्चों को सरदार पटेल के आदर्शों से प्रेरित करने के लिए किया गया था।

अंबाडा में एस डी एम बड़ोनिया ने अवैध खनन पर की बड़ी कार्यवाही, अवैध कारोबारियों में मचा हड़कंप।

SDM Baronia took major action against illegal mining in Ambada, creating panic among illegal traders. हरिप्रसाद गोहेआमला। जिला कलेक्टर नरेंद्र सूर्यवंशी के मार्गदर्शन जिले में अवैध खनन,परिवहन एवं भंडारण के विरुद्ध चलाए जा रहे इस विशेष अभियान के पालानार्य आमला अनुविभागीय अधिकारी राजस्व सर शैलेंद्र बड़ोनिया ने खनिज, राजस्व, पुलिस विभाग के संयुक्त दल के साथ 26 मार्च को आमला विकास खंड अंतर्गत आने वाले ग्राम अंबाडा स्थित स्टोन क्रेशर एवं आस पास के क्षेत्रों का औचक निरीक्षण कर अवैध खनन पर बड़ी कार्यवाही सुनिश्चित की है। कार्यवाही के दौरान एक पोकलैंड मशीन और डंफर को जप्त कर संबंधित के विरुद्ध 2•12 करोड़ का जुर्माना भी प्रस्तावित किया गया। एसडीएम शैलेन्द्र बड़ोनिया द्वारा क्षेत्र अवैध खनन एवं परिवहन पर की गई इस बड़ी कार्यवाही से जहां खनन माफियों में हड़कंप है वहीं अवैध कारोबारियों में सन्नाटा पसर गया है। मौके पर की कार्यवाही एस डी एम बड़ोनिया ने निरीक्षण के दौरान ग्राम अम्बाडा स्थित निजी भूमि ख.क्र. 413/2 रकबा 0.607 हेक्टेयर एवं भूमि खसरा क्रमांक 408 रकबा 1.578 हेक्टेयर के अंश भाग पर पोकलेण्ड मशीन द्वारा खनिज बोल्डर/पत्थर का अवैध उत्खनन कर डम्पर क्रमांक एमपी 48 एच 0520 के द्वारा अवैध परिवहन करते हुए जप्त किया गया। मशीन/डम्पर चालक ने बताया कि उक्त उत्खनन/परिवहन कार्य स्टोन क्रेशर संचालक उपेन्द्र ऊर्फ भूरू सूर्यवंशी द्वारा कराया जा रहा है। मौके पर उपस्थित दल द्वारा उत्खनित क्षेत्र की माप की गई। माप अनुसार उत्खनित खनिज की मात्रा 14154 घन मीटर आंकलित की गई। जांच अधिकारियों द्वारा उक्त अवैध उत्खनन कार्य में संलिप्त मशीन और डम्पर को जप्त कर पुलिस चौकी बोड़खी थाना आमला की अभिरक्षा में खड़ा कराया गया है। वहीं ग्राम अम्बाड़ा क्षेत्र अंतर्गत मास्टर स्टोन क्रेशर के संचालक देवधर इंगले के पक्ष में स्वीकृत व अनुबंधित पत्थर उत्खनि पटटा की जांच के दौरान पटटाधारी द्वारा खदान में की गई ब्लास्टिंग से संबंधित दस्तावेज प्रस्तुत न किये जाने, पर्यावरण एवं खनिज नियमों का पालन न किये जाने संबंधी अनियमिताएं पाई गई। अवैध उत्खननकर्ता स्टोन क्रेशर संचालक उपेन्द्र ऊर्फ भूरू सूर्यवंशी के विरुद्ध मध्यप्रदेश खनिज अवैध खनन, परिवहन तथा भण्डारण का निवारण नियम 2022 के नियम 18 (2) के प्रावधानों के अंतर्गत जुर्माना राशि 2 करोड़ 12 लाख 31 हजार की राशि का जुर्माना प्रस्तावित कर प्रकरण को न्यायालय अपर कलेक्टर बैतूल में प्रस्तुत किया जा रहा है एवं मास्टर स्टोन क्रेशर संचालक देवधार इंगले द्वारा पटटा संचालन में की गई गंभीर अनियमितता के कारण मप्र गौण खनिज नियम 1996 के प्रावधान अंतर्गत कार्यवाही प्रस्तावित की जा रही है।

slot server thailand super gacor

spaceman slot gacor

slot gacor 777

slot gacor

Nexus Slot Engine

bonus new member

olympus

situs slot bet 200

slot gacor

slot qris

link alternatif ceriabet

slot kamboja

slot 10 ribu

https://mediatamanews.com/

slot88 resmi

slot777

https://sandcastlefunco.com/

slot bet 100

situs judi bola

slot depo 10k

slot88

slot 777

spaceman slot pragmatic

slot bonus

slot gacor deposit pulsa

rtp slot pragmatic tertinggi hari ini

slot mahjong gacor

slot deposit 5000 tanpa potongan

mahjong

spaceman slot

https://www.deschutesjunctionpizzagrill.com/

spbo terlengkap

cmd368

368bet

roulette

ibcbet

clickbet88

clickbet88

clickbet88

bonus new member 100

slot777

https://bit.ly/m/clickbet88

https://vir.jp/clickbet88_login

https://heylink.me/daftar_clickbet88

https://lynk.id/clickbet88_slot

clickbet88

clickbet88

https://www.burgermoods.com/online-ordering/

https://www.wastenotrecycledart.com/cubes/

https://dryogipatelpi.com/contact-us/

spaceman slot gacor

ceriabet link alternatif

ceriabet rtp

ceriabet

ceriabet link alternatif

ceriabet link alternatif

ceriabet login

ceriabet login

cmd368

sicbo online live

Ceriabet Login

Ceriabet

Ceriabet

Ceriabet

Ceriabet

casino online

clickbet88

login kudahoki88

Ceriabet

Ceriabet

Ceriabet