LATEST NEWS

J&K विधानसभा में प्रदेश के विशेष दर्जे के प्रस्ताव पर जमकर हुआ हंगामा

श्रीनगर जम्मू एवं कश्मीर विधानसभा में गुरुवार को जमकर बवाल हो रहा है. विधानसभा में 370 को लेकर पक्ष और विपक्ष के विधायकों में भिड़ंत हुई. कहा जा रहा है कि यह हंगामा आर्टिकल 370 की वापसी के प्रस्ताव से जुड़ा हुआ है. बारामूला से लोकसभा सांसद इंजीनियर राशिद के भाई खुर्शीद अहमद शेख ने सदन में आर्टिकल 370 का बैनर दिखाया, जिसके बाद पक्ष और विपक्ष के विधायकों के बीच हाथापाई शुरू हो गई. बैनर दिखाए जाने का बीजेपी नेता और विधानसभा में विपक्ष के नेता सुनील  शर्मा ने विरोध किया. विधानसभा में हालात ऐसे हो गए कि मार्शल को बीच-बचाव के लिए आना पड़ा. विधानसभा में हंगामा कर रहे विपक्ष के कुछ विधायकों को मार्शलों ने बाहर का रास्ता दिखाया. इसके बाद सदन की कार्यवाही को थोड़ी देर के लिए स्थगित कर दिया गया है. बता दें कि खुर्शीद अहमद शेख लंगेट विधानसभा सीट से अवामी इत्तेहाद पार्टी के विधायक हैं. पीपुल्स डेमोक्रेटिक पार्टी (पीडीपी) ने आर्टिकल 370 और 35ए को फिर से बहाल करने के लिए जम्मू कश्मीर विधानसभा में प्रस्ताव पेश किया था. NC ने भारत माता की पीठ पर खंजर घोंपा: रवींद्र रैना बीजेपी नेता निर्मला सिंह ने कहा कि 370 अब इतिहास बन गया है. उमर अब्दुल्ला सरकार पाकिस्तान का हौंसला बढ़ा रही है. वहीं, बीजेपी नेता रवींद्र रैना ने कहा कि 370 ने जम्मू कश्मीर में आतंकवाद, अलगाववाद और पाकिस्तान की मानसिकता को जन्म दिया. ऐसे में 370 के प्रस्ताव को गैर संवैधानिक तरीके से विधानसभा में लाकर चोरों की तरह छिपकर जल्दबाजी में पेश करना दिखाता है कि नेशनल कॉन्फ्रेंस और कांग्रेस दोबारा जम्मू कश्मीर में हालात खराब करना चाहती है. ये भारत माता की पीठ पर कांग्रेस ने खंजर घोंपा है. उन्होंने कहा कि कांग्रेस और एनसी दरअसल आतंकवादियों के एजेंडे को कश्मीर में पूरा करने की साजिश कर रही है. लेकिन बीजेपी विधानसभा के अंदर और बाहर कांग्रेस और नेशनल कॉन्फ्रेंस की ईंट से ईंट बजा देगी लेकिन इस एजेंडे को यहां चलने नहीं देगी. बता दें कि छह सालों के बाद पहली बार जम्मू एवं कश्मीर विधानसभा का सत्र हो रहा है. पांच दिनों कायह सत्र सोमवार से शुरू हुआ था. मालूम हो कि पांच अगस्त 2019 को केंद्र सरकार ने आर्टिकल 370 को हटाकर जम्मू एवं कश्मीर का विशेष राज्य का दर्जा समाप्त कर दिया था और जम्मू एवं कश्मीर को दो केंद्रशासित प्रदेशों में बांट दिया था.  

CM शिंदे ने संविधान पर कांग्रेस को घेरा, कहा- ‘जब तक सूरज चांद रहेगा, बाबासाहेब का संविधान रहेगा’

महाराष्ट्र महाराष्ट्र में विधानसभा चुनाव के मद्देनजर सभी पार्टियों के नेता प्रचार अभियान में जी जान से जुटे हैं. इस बीच शिवसेना प्रमुख और राज्य के मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे भी अपने उम्मीदवारों को जीत दिलाने के लिए पूरी ताकत लगा रहे हैं. सीएम शिंदे ने बुधवार (6 नवंबर) को चेंबूर विधानसभा क्षेत्र में अपने उम्मीदवार तुकाराम काते के लिए प्रचार किया. इस दौरान उन्होंने संविधान के मसले पर कांग्रेस को घेरा. चेंबूर विधानसभा क्षेत्र में अपने उम्मीदवार के लिए प्रचार करते हुए उन्होंने संविधान को लेकर बड़ा बयान दिया. उन्होंने कहा, ”जब तक सूरज-चांद रहेगा तब तक बाबासाहेब आंबेडकर का संविधान रहेगा.” आज सुबह देवेंद्र फडणवीस ने राहुल गांधी को लेकर संविधान के बारे में बयान दिया था. इस बयान को लेकर कांग्रेस नेताओं और कार्यकर्ताओं ने सड़क पर उतरकर आंदोलन भी किया. देवेंद्र फडणवीस ने क्या कहा? महाराष्ट्र में विधानसभा चुनाव के शोर के बीच राज्य के डिप्टी सीएम और बीजेपी नेता देवेंद्र फडणवीस ने आरोप लगाते हुए कहा, ”हमारा संविधान नीले रंग का है, लेकिन राहुल गांधी के पास लाल रंग का संविधान है. राहुल गांधी अर्बन नक्सलियों से घिरे हुए हैं.” वहीं, महाराष्ट्र बीजेपी के अध्यक्ष चंद्रशेखर बावनकुले ने भी बुधवार (6 नवंबर) को आरोप लगाया कि कांग्रेस सांसद राहुल गांधी बाबासाहेब आंबेडकर की विचारधारा के विरोधी हैं और संविधान की रक्षा का नाटक करते हैं. राहुल गांधी ने संविधान को लेकर बीजेपी पर बोला हमला? राहुल गांधी ने बुधवार (6 नवंबर) को नागपुर में संविधान सम्मान सम्मेलन में कहा कि डॉ. बाबासाहेब आंबेडकर की ओर से तैयार किया गया हमारा संविधान सिर्फ एक किताब नहीं बल्कि जीवन जीने का तरीका है. उन्होंने आरोप लगाया कि जब आरएसएस और बीजेपी संविधान पर हमला करते हैं तो वे देश की आवाज पर हमला कर रहे होते हैं.बता दें कि महाराष्ट्र में सभी 288 विधानसभा सीटों पर एक ही चरण में 20 नवंबर को मतदान है. जबकि 23 नवंबर को नतीजे घोषित किए जाएंगे.

प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने कहा- बांग्लादेशी घुसपैठिए राज्य का माटी, बेटी और रोटी पर कब्जा कर रहे हैं

रांची विधानसभा चुनाव में प्रचार करने गढ़वा पहुंचे प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने कहा कि यहां दुर्गा माता की प्रतिमा को रोक दिया जाता है, स्कूलों में सरस्वती वंदना बंद कर दी जाती है। बांग्लादेशी घुसपैठिए राज्य का माटी, बेटी और रोटी पर कब्जा कर रहे हैं। इसके जवाब में उन्हें सुनने आई जनता जय श्री राम के नारे लगा रही थी। ठीक दो घंटे बाद प्रधानमंत्री मोदी के सभा स्थल से 10 किलोमीटर दूर मेराल में झामुमो की स्टार प्रचारक और मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन की पत्नी कल्पना सोरेन जनसभा करने पहुंची तो लोगों से कहने लगीं कि भाजपा राज्य के आदिवासी समाज को आगे बढ़ता नहीं देखना चाहती है। एक आदिवासी मुख्यमंत्री इन्हें पसंद नहीं आ रहा है। झारखंड में चुनाव से पहले भ्रष्टाचार का मुद्दा चरम पर था, अब जब पहले चरण की 43 सीटों पर वोटिंग में हफ्ता भर बचा है तो बात हिंदुत्व की रक्षा बनाम आदिवासियों के लिए सरना कोड पर आ गई है।

महाराष्ट्र की सत्ता का द्वार तो 62 सीटों वाला विदर्भ ही खोलेगा, फडणवीस और नाना पटोले भी इसी क्षेत्र से लड़ेंगे चुनाव

मुंबई महाराष्ट्र के दोनों राजनीतिक गठबंधनों के प्रमुख नेताओं ने अपने चुनाव अभियान की शुरुआत भले पश्चिम महाराष्ट्र के कोल्हापुर से की हो, लेकिन महाराष्ट्र की सत्ता का द्वार तो 62 सीटों वाला विदर्भ ही खोलेगा। दो विपरीत विचारधाराओं वाले इस क्षेत्र में अभी तक तो समान लड़ाई देखने को मिल रही है। 62 में से 35 सीटों पर कांग्रेस और भाजपा में आमने-सामने की टक्कर हो रही है। जबकि छह सीटों पर शिवसेना एवं शिवसेना (यूबीटी) तथा सात सीटों पर राकांपा और राकांपा (शरदचंद्र पवार) के बीच सीधा मुकाबला हो रहा है। फडणवीस और नाना पटोले भी मैदान में उपमुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस, विपक्ष के नेता विजय वडेट्टीवार, प्रदेश भाजपा अध्यक्ष चंद्रशेखर बावनकुले, प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष नाना पटोले सहित कई राजनीतिक दिग्गजों की किस्मत का फैसला इस क्षेत्र से होना है। इन्हीं नेताओं में से कोई मुख्यमंत्री पद का दावेदार भी हो सकता है। वरिष्ठ राजनीतिक विश्लेषक विवेक भावसार कहते हैं कि विदर्भ का प्रदर्शन ही यह तय करेगा कि अगली सरकार कौन बनाता है। यह युद्ध का ऐसा मैदान है जो फैसले को निर्णायक बना सकता है।

वाशिम विधानसभा क्षेत्र में उमड़ा यह अपार जन सिंधु महाराष्ट्र में भाजपा की विजय गाथा लिखने जा रहा है: सीएम योगी

महाराष्ट्र उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बुधवार को महाराष्ट्र के वाशिम में एक चुनावी रैली को संबोधित किया। इस दौरान सीएम योगी ने कांग्रेस और महाविकास अघाड़ी पर जमकर निशाना साधा। सीएम योगी ने चुनावी रैली को संबोधित करते हुए कहा कि वाशिम विधानसभा क्षेत्र में उमड़ा यह अपार जन सिंधु महाराष्ट्र में भाजपा की विजय गाथा लिखने जा रहा है। उन्होंने कहा कि छत्रपति शिवाजी महाराज ने जिस दुष्ट अफजल को मार गिराया था उसके नाम पर औरंगाबाद का नाम होना, याद करना इसको हटना ही चाहिए था, इसे संभाजीनगर के रूप में पहचान मिलनी ही थी। छत्रपति शिवाजी महाराज का संघर्ष हो या संभाजी महाराज का, हमें नई प्रेरणा देता है। छत्रपति शिवाजी महाराज हम सबको एकजुट करके लेकर गए थे। हर भारतवासी को अपने साथ जोड़े थे। अपनी सेना का हिस्सा बनाए थे। उन्होंने कहा कि महाराष्ट्र चुनाव में दो महा गठबंधन चुनाव लड़ रहे हैं। एक तरफ महायुति गठबंधन है और दूसरी और महा अघाड़ी के रूप में ‘महाअनाड़ी’ गठबंधन है। मैं अनाड़ी इसलिए कहता हूं जिसे राष्ट्र की चिंता नहीं हो, वह अनाड़ी ही होगा। एक समय था जब आतंकवादी देश में घुसकर विस्फोट करते थे, आज पीएम मोदी के नेतृत्व में कोई सीमा पर अतिक्रमण करता है तो उसका राम नाम सत्य हो जाता है। सीएम योगी ने वाशिम में शिवाजी बनाम औरंगजेब का वैचारिक मुद्दा उठाकर हिन्दुत्व को तेज धार देने वाली स्पीच दी। योगी ने कहा कि जिस तरह से वाशिम विधानसभा क्षेत्र में लोग उमड़े हैं, यह महाराष्ट्र में भाजपा की विजय गाथा लिखने जा रहा है। उन्होंने कहा कि सत्ताएं तो आएंगी-जाएंगी, लेकिन हमारा ‘भारत’ रहना चाहिए और ‘भारत’ दुनिया की सबसे बड़ी ताकत बनना चाहिए। विपक्षी कहते थे राम हुए नहीं, कृष्ण हुए नहीं, आज भले ये चुनाव में कह रहे हो लेकिन इन पर भरोसा मत करिएगा। राम हमारी रग-रग में हैं, कण-कण में हैं। इसके अलावा सीएम योगी ने आगे कहा कि बंटिए मत! क्योंकि जब भी बंटे थे तो कटे थे। एक हैं तो नेक हैं, एक हैं तो सेफ हैं।

‘मैं PM मोदी और CM योगी का दुश्मन हूं’, ‘बंटेंगे तो कटेंगे’ पर भड़के अकबरुद्दीन ओवैसी

महाराष्ट्र महाराष्ट्र के संभाजीनगर में AIMIM के प्रमुख असद्दुदीन ओवैसी के छोटे भाई अकबरुद्दीन ओवैसी ने उत्तर प्रदेश के CM योगी आदित्यनाथ के नारे “बंटेंगे तो कटेंगे” पर कड़ा पलटवार किया है। अकबरुद्दीन ने इस नारे के मुकाबले इत्तेहाद (एकता) का नारा दिया और मुस्लिम समुदाय से एकजुट होकर उनकी पार्टी AIMIM को समर्थन देने की अपील की।   “बंटेंगे तो कटेंगे” पर अकबरुद्दीन का पलटवार अकबरुद्दीन ओवैसी ने योगी आदित्यनाथ के “बंटेंगे तो कटेंगे” के नारे को चुनौती दी। उन्होंने कहा, “आप लोग बीफ, मॉब लिंचिंग, घर वापसी, टोपी और दाढ़ी के नाम पर देश में नफरत फैला रहे हैं। क्या इससे देश कमजोर नहीं हो रहा?” उन्होंने कहा कि ये हरकतें केवल हिंदू-मुसलमान के बीच दरार डालने का काम कर रही हैं। अकबरुद्दीन ने यह भी जोड़ा कि मुसलमानों और हिंदुओं को आपस में लड़ाकर देश को बांटना सही नहीं है।   ‘हिंदुस्तान मेरा भी है’… अकबरुद्दीन ने जनता से कहा, “नरेंद्र मोदी और योगी आदित्यनाथ, हिंदुस्तान जितना आपका है, उतना ही मेरा भी है।” उन्होंने यह स्पष्ट किया कि वह एक मुसलमान हैं, और इसलिए मुसलमानों की आवाज उठाते हैं। अकबरुद्दीन का यह बयान धार्मिक और सांप्रदायिक सौहार्द को बढ़ावा देने की कोशिश के रूप में देखा जा सकता है, जबकि बीजेपी और उनके समर्थकों द्वारा आरोप लगाए गए हैं कि वे देश में धर्म के आधार पर राजनीति कर रहे हैं। उन्होंने आगे लोगों को संबोधित करते हुए कहा कि मैं तो खुला बोल रहा हूं कि मैं मोदी-योगी का दुश्मन हूं।   ओवैसी का विवादित बयान: ‘अभी 15 मिनट बाकी है’ अकबरुद्दीन ओवैसी ने अपने भाषण के दौरान एक बार फिर “15 मिनट” का संदर्भ दिया, जो कि कुछ साल पहले उनके द्वारा दिए गए विवादित बयान से जुड़ा हुआ था। उन्होंने लोगों से कहा कि “कैंपेनिंग का टाइम 10 बजे, अभी 15 मिनट बाकी है”, यह इशारा उस बयान की ओर था, जिसमें उन्होंने दावा किया था कि 15 मिनट में वह देश के हालात बदल सकते हैं। ओवैसी ने इस अवसर पर भी योगी आदित्यनाथ और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर निशाना साधते हुए उनकी नीतियों को नकारात्मक बताया। मतदान को लेकर AIMIM का चुनावी अभियान तेज अकबरुद्दीन ओवैसी ने यह भी दावा किया कि 20 नवंबर को महाराष्ट्र में वोटिंग के दौरान आसमान में केवल पतंग ही नजर आएगी। यह बात उन्होंने AIMIM के चुनावी चिह्न ‘पतंग’ के संदर्भ में कही, जो पार्टी का प्रतीक है। साथ ही उन्होंने 23 नवंबर को होने वाली वोटों की गिनती के दिन भी अपनी पार्टी की जीत का दावा किया।    मुसलमानों की एकजुटता का आह्वान अकबरुद्दीन ओवैसी के इस बयान ने एक बार फिर धार्मिक राजनीति और सांप्रदायिक एकता के बीच बढ़ते तनाव को उजागर किया। उनका इत्तेहाद का नारा इस बात की ओर इशारा करता है कि मुस्लिम समुदाय को एकजुट होकर अपनी राजनीतिक ताकत दिखानी चाहिए। ओवैसी का यह कदम भाजपा और अन्य राजनीतिक दलों की आलोचना करने का एक तरीका था, जबकि वह अपनी पार्टी की मुस्लिम समुदाय के बीच स्थिति को मजबूत करने की कोशिश कर रहे  

झारखंड में सिमोन मालतो कई समर्थकों के साथ झारखंड मुक्ति मोर्चा में शामिल, भाजपा को झटका

रांची झारखंड की बरहेट विधानसभा सीट पर वर्ष 2019 में हेमंत सोरेन के खिलाफ भाजपा की ओर से चुनाव लड़ने वाले सिमोन मालतो बुधवार को अपने कई समर्थकों के साथ झारखंड मुक्ति मोर्चा में शामिल हो गए। उन्होंने रांची में सीएम हेमंत सोरेन से उनके आवास में मुलाकात की और इसके बाद उन्हें पार्टी की सदस्यता दिलाई गई। हेमंत सोरेन ने पिछले चुनाव में बरहेट के अलावा दुमका सीट पर भी चुनाव लड़ा था। दुमका में सोरेन से पराजित हुईं भाजपा की उम्मीदवार लुईस मरांडी भी करीब 15 दिन पहले झारखंड मुक्ति मोर्चा में शामिल हो गई थीं। 2019 के चुनाव में बरहेट सीट पर हेमंत सोरेन ने सिमोन मालतो को 25 हजार 740 मतों से हराया था। हेमंत सोरेन को 73 हजार 725 वोट मिले थे, जबकि सिमोन मालतो को 47 हजार 985 वोट हासिल हुए थे। सिमोन मालतो ने चार दिन पहले भारतीय जनता पार्टी से इस्तीफा दे दिया था। उन्होंने पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष बाबूलाल मरांडी को भेजे त्यागपत्र में कहा था कि वह जिन आदिम जनजाति पहाड़िया समुदाय से आते हैं, उसके किसी भी व्यक्ति को पार्टी ने उम्मीदवार नहीं बनाया है। उन्होंने कहा था कि पहाड़िया समुदाय कांग्रेस के बाद भाजपा के परंपरागत वोटर रहे हैं। ये लोग भाजपा को मजबूती दे रहे थे, लेकिन पार्टी ने इस जनजाति को गंभीरता से नहीं लिया, जिसकी वजह से पूरा समाज अपमानित महसूस कर रहा है। सीएम हेमंत सोरेन ने मालतो के झामुमो में शामिल होने के बाद सोशल मीडिया एक्स पर लिखा, ‘संथाल परगना में बरहेट से भाजपा नेता सिमोन मालतो ने अपने समर्थकों के साथ आज झारखंड मुक्ति मोर्चा परिवार का दामन थामा। आप सभी का झामुमो परिवार में हार्दिक स्वागत है, जोहार।‘ दरअसल, झारखंड में विधानसभा चुनाव की प्रक्रिया के बीच दल बदल का सिलसिला भी तेज है। इसके पहले बरहेट सीट पर इस चुनाव में हेमंत सोरेन के प्रस्तावक रहे शहीद सिदो-कान्हू मुर्मू के वंशज मंडल मुर्मू ने भारतीय जनता पार्टी की सदस्यता ली थी। उन्होंने कहा था कि एकमात्र भारतीय जनता पार्टी है, जो आदिवासियों के हितों के लिए सही मायने में काम कर रही है।  

बंटेंगे तो कटेंगे के नारे से योगी ने जाति और संविधान वाले नैरेटिव को तोड़ा, महाराष्ट्र चुनाव में पीएम मोदी से अधिक रैली CM योगी करेंगे

मुंबई महाराष्ट्र चुनाव प्रचार अब जोर पकड़ने लगा है और कांग्रेस, बीजेपी समेत सभी दलों के स्टार प्रचारकों के दौरे शुरू हो गए हैं । अगले 13 दिनों तक बड़े नेता महाराष्ट्र में तूफानी दौरा करेंगे। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी महाराष्ट्र में 11 रैलियां करेंगे। आठ नवंबर से पीएम मोदी की जनसभा की शुरुआत होगी। 6 नवंबर को राहुल गांधी भी आरएसएस के गढ़ नागपुर से चुनाव प्रचार की शुरुआत करेंगे। 18 अक्तूबर की शाम को चुनाव प्रचार का शोर थम जाएगा। उससे पहले यूपी के मुख्यमंत्री और बीजेपी के ट्रंप कार्ड साबित हो चुके योगी आदित्य नाथ मुंबई समेत पूरे महाराष्ट्र में 15 चुनावी सभाओं को संबोधित करेंगे। वह पीएम मोदी से अधिक जनसभाओं में शिरकत करेंगे। एक्सपर्ट मानते हैं कि महाराष्ट्र में योगी आदित्यनाथ की मौजूदगी और ‘बंटेंगे तो कटेंगे’ वाले नारे का असर भी महाराष्ट्र चुनाव में दिखेगा। जम्मू और हरियाणा में राहुल गांधी पर भारी पड़े योगी हरियाणा और जम्मू-कश्मीर विधानसभा चुनाव में योगी आदित्यनाथ का करिश्मा नजर आया। जम्मू-कश्मीर में योगी आदित्यनाथ का स्ट्राइक रेट 90 फीसदी और हरियाणा में करीब 65 फीसदी रहा। जम्मू में योगी ने पांच विधानसभा क्षेत्रों में चुनावी रैलियां कीं, जिनमें से चार पर बीजेपी को जीत मिली। बीजेपी किश्तवाड़ और कठुआ जैसे मुस्लिम बाहुल्य सीट पर जीतने में सफल रही। किश्तवाड़ में पहली बार बीजेपी की शगुन परिहार ने कमल खिलाया। हरियाणा में भी योगी आदित्यनाथ ने 20 विधानसभा क्षेत्रों में प्रचार किया, जिनमें से 13 पर बीजेपी को जीत मिली। यह जीत कांटे के मुकाबले में बीजेपी को तीसरी बार हरियाणा की सत्ता तक पहुंचाने में महत्वपूर्ण साबित हुई। सीएम योगी ने हरियाणा में असंध से चुनावी रैली की शुरुआत की थी। इस सीट से ही राहुल गांधी प्रचार में उतरे थे। असंध में बीजेपी को जीत मिली। हरियाणा से कनाडा तक लगे ‘बंटेंगे तो कटेंगे’ के नारे हरियाणा चुनाव में ही योगी आदित्यनाथ ने ‘बंटेंगे तो कटेंगे’ के चुनावी नारे को लॉन्च किया। इस नारे में ग्राउंड पर इस कदर कमाल किया कि बीजेपी ने एंटी इम्कबेंसी और कांग्रेस के नैरेटिव को धवस्त कर दिया। यह नारा इनके जुबान पर इस कदर चढ़ा कि गैर चुनावी राज्यों में भी बीजेपी समर्थक इसे आजमाने लगे। लोकप्रियता का आलम यह है कि कनाडा में हमले के बाद हिंदू समुदाय ने अपने प्रदर्शन में’बंटेंगे तो कटेंगे’ के नारे लगाए। महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव के ऐलान के बाद मुंबई समेत राज्य के कई हिस्सों में योगी आदित्यनाथ की तस्वीर के साथ ‘बंटेंगे तो कटेंगे’ के पोस्टर लगाए गए। एक्सपर्ट मानते हैं कि चुनाव में एमवीए के लिए मुस्लिम वोटरों की एकजुटता का जवाब इस नैरेटिव से दिया जा सकता है। इससे पहले के चुनाव में बाबा का बुलडोजर भी काफी लोकप्रिय और प्रभावी साबित हुआ था। क्यों चलता है योगी आदित्यनाथ का करिश्मा चुनाव प्रचार के दौरान योगी आदित्यनाथ अपने भाषण की शुरुआत महिला विकास, किसान और विकास जैसे मुद्दों से करते हैं। ‘युवाओं के हाथ में तमंचा नहीं टेबलेट होना चाहिए’, यह उनकी पसंदीदा लाइनों में से एक है। इसके बाद मोदी सरकार के कार्यकाल में हुए काम के जरिये आतंकवाद को लेकर कांग्रेस को निशाने पर रखते हैं। आतंक की बात होती है तो पाकिस्तान की चर्चा लाजिमी है। पाकिस्तान और आतंकवाद के साथ ही वह अपना संदेश साफ कर देते हैं। दंगों की चर्चा करते हैं तो बुल्डोजर एक्शन के बारे में बताते हैं। राम मंदिर की चर्चा तो सभा में मौजूद के लोगों को अयोध्या में दर्शन का निमंत्रण देते हैं। जब समां बंध जाता है तो वह सभा में मौजूद लोगों से संवाद भी करते हैं। यूपी में सड़कों पर नमाज बंद, मस्जिदों में लगे लाउड स्पीकर हटाने और अपराधियों के खिलाफ बुलडोजर एक्शन पर भी जनता का फीडबैक लेते हैं। हरियाणा में राहुल गांधी के जातिगत आरक्षण के जवाब में ही उन्होंने ‘बंटेंगे तो कटेंगे’ का नारा दिया था।

बीजेपी को दिल्ली से मिली अच्छी खबर, एक सर्वे ने दिलाई उम्मीद, 43.4% वोट मिलने का अनुमान

नई दिल्ली दिल्ली विधानसभा का कार्यकाल अगले साल फरवरी में खत्म हा रहा है. ऐसे में जनवरी के अंत में विधानसभा चुनाव कराए जाने की उम्मीद है. इसी हफ्ते कोर ग्रुप के साथ चुनाव प्रबंध समिति और उम्मीदवार चयन समिति भी गठित हो सकती है. इससे पहले एक सर्वे दिखाता है कि बीजेपी का 28 साल का वनवास खत्म हो सकता है. सूत्रों के मुताबिक, बीजेपी के हालिया अंदरूनी सर्वे के बाद 2013 के बाद पहली बार लग रहा है कि वो दिल्ली में सरकार बनाने की स्थिति में आ जाएगी. दरअसल, बीते दिनों पार्टी के अंदरूनी सर्वे में आगामी विधान सभा चुनाव में 43.4 फीसदी वोट मिलने की संभावना के बाद बीजेपी ने इसको 46 फीसदी तक ले जाने का टारगेट रखा है. ऐसे में महाराष्ट्र और झारखंड चुनाव नतीजों के बाद दिल्ली पर फोकस बढ़ेगा. महाराष्ट्र, झारखंड के बाद दिल्ली का रुख करेंगे RSS वर्कर्स दिल्ली के पड़ोसी राज्य हरियाणा में मिली जीत से उत्साहित बीजेपी का ध्यान इस वक्त महाराष्ट्र और झारखंड में भले हो लेकिन दिल्ली विधानसभा चुनाव जीतने की रणनीति पर अमल अभी से शुरू हो गया है. लगातार तीन बार लोकसभा चुनाव में जीत हासिल करने वाली भारतीय जनता पार्टी विधानसभा चुनाव में जिन वजहों से पीछे जाती है, उन पर अभी से ही पार्टी का फोकस है. इसके लिए आरएसएस के पदाधिकारियों ने हरियाणा की तर्ज पर पूरी ताकत लगा दी है और कार्यकर्ता हर बूथ पर 5 लोगों से मुलाकात कर रहे हैं. टिकट की रेस में सबसे आगे 2 पूर्व सांसद पार्टी के लोग बताते हैं कि पूर्व सांसद प्रवेश वर्मा और रमेश विधूड़ी को आम चुनाव लड़ने का मौका नहीं मिल पाया, लिहाजा दोनो पूर्व सांसदों को विधानसभा चुनाव लड़ने का मौका दिया जा सकता है. दिल्ली नगर निगम से आधा दर्जन सीनियर पार्षद भी चुनाव लड़ सकते हैं. हालांकि, बीते दिनों कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष अरविंदर सिंह लवली के साथ तीन बड़े नेताओं ने बीजेपी का दामन थामा था. तब से उन इलाकों के मौजूदा विधायक असहज हैं कि टिकट मिलेगा या नहीं. दिल्ली की इन सीटों पर NDA लड़ सकता है चुनाव पार्टी सूत्रों ने बताया कि जेडीयू और एलजेपी को संगम विहार, बुराड़ी, सीमापुरी सहित कुछ मुस्लिम बहुल सीटें दी जा सकती हैं. पार्टी ने सहयोगी दलों को तीन से पांच सीटें देने का मन बनाया है.  

लोकसभा चुनाव के नतीजों के बाद नए दौर में संघ के साथ समन्वय, BJP के संगठन में बड़ा बदलाव जल्द

नई दिल्ली अगले दो महीने में नया राष्ट्रीय अध्यक्ष चुनने के साथ ही भाजपा में बड़े पैमाने पर बदलाव की तैयारी शुरू हो गई है। इसके तहत भाजपा और संघ के बीच समन्वय भी और तेज होगा। इसके तहत केंद्र और राज्यों में संगठन में नए चेहरे देखने को मिल सकते हैं। कई संगठन मंत्रियों के बदलेंगे राज्य आरएसएस से आने वाले कई संगठन मंत्रियों के राज्य बदले जाने की संभावना है। वहीं, कई नए संगठन मंत्रियों को भेजे जाने पर दोनों संगठनों के शीर्ष नेताओं के बीच बातचीत चल रही है। उच्च पदस्थ सूत्रों के अनुसार, दिसंबर के मध्य में नए राष्ट्रीय अध्यक्ष के लिए आरएसएस और भाजपा के बीच सर्वसम्मति बनाने की कोशिश शुरू होगी। कब होगा राष्ट्रीय अध्यक्ष का चुनाव? आरएसएस के एक वरिष्ठ पदाधिकारी ने कहा कि अभी तक इस मुद्दे पर बातचीत शुरू नहीं हुई है। भाजपा का सदस्यता अभियान खत्म होने के बाद राज्यों में संगठनात्मक चुनाव की प्रक्रिया शुरू हो गई है और आधे से अधिक राज्यों में प्रदेश अध्यक्ष के चुनाव संपन्न होने के बाद राष्ट्रीय अध्यक्ष का चुनाव होगा।

शाइना ने कहा- अब समय आ गया है कि महाराष्ट्र की महिलाएं जागे और जवाब दें, सुनील राउत पर साधा निशाना

नई दिल्ली शिवसेना नेता शाइना एनसी ने सुनील राउत पर निशाना साधा है। शाइना ने कहा कि अब समय आ गया है कि महाराष्ट्र की महिलाएं जागे और ऐसी टिप्पणी करने वालों को जवाब दें। बता दें कि शिवसेना (यूबीटी) नेता सुनील राउत ने एक चुनावी रैली में अभद्र टिप्पणी की थी। सुनील राउत ने एक चुनावी रैली को संबोधित करते हुए विक्रोली विधानसभा उम्मीदवार सुवर्णा करंजे को ‘बकरी’ कहा था। राउत की टिप्पणी को लेकर विवाद अब बढ़ गया है। शाइना एनसी ने क्या कहा? मुंबा सीट से उम्मीदवार शाइना एनसी ने सुनील राउत पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि सुनील राउत का बयान उनकी पिछड़ी सोच को दिखाता है। एक तरफ हमारे प्रधानमंत्री महिलाओं का सम्मान करते हैं। हमारे मुख्यमंत्री महिलाओं के लिए योजना लेकर आते हैं। वहीं, दूसरी ओर महाविकास आघाड़ी है। इसके नेता महिलाओं पर अभद्र टिप्पणी करते हैं। महिलाओं को वस्तुओं की तरह बुलाया जाता है। कांग्रेस इन नेताओं की टिप्पणी को लेकर चुप है, लेकिन 20 नवंबर को हम करारा जवाब देंगे। सुनील राउत हमें ‘बकरी’ कहते हैं, हमारे लिए ‘माल’ शब्द का इस्तेमाल किया जाता है। हम महाराष्ट्र की बेटियां है, इसका जरूर दवाब दिया जाएगा। प्रियंका गांधी की चुप्पी पर सवाल शिवसेना नेता ने कांग्रेस नेता प्रियंका गांधी की चुप्पी पर भी सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि कांग्रेस ने अपने गठबंधन के नेताओं को फटकार क्यों नहीं लगाई। उन्होंने महिलाओं का अपमान किया है। रेखा वर्मा ने क्या कहा? वहीं, महाराष्ट्र के नेताओं द्वारा महिलाओं पर टिप्पणी को लेकर राष्ट्रीय महिला आयोग (एनसीडब्ल्यू) की पूर्व अध्यक्ष रेखा शर्मा ने नाराजगी जाहिर की है। उन्होंने इसे “दुर्भाग्यपूर्ण” बताया है। पीएम मोदी को शाइना का धन्यवाद उधर, उन्होंने पीएम मोदी को धन्यवाद कहा है। शाइना एनसी ने कहा कि पीएम नरेंद्र मोदी ने महिलाओं का सम्मान रखा और चुप रहने के लिए महाविकास आघाड़ी (एमवीए) की आलोचना की। इसके लिए मैं उन्हें धन्यवाद देती हूं। उन्होंने ये भी कहा कि मैं एमवीए और विपक्ष से सवाल पूछना चाहती हूं कि आपकी महिला नेताओं ने सावंत की अभद्र टिप्पणी पर अपना मुंह क्यों नहीं खोला। आपकी संवेदनशीलता कहां है। बता दें कि चाईबासा में एक रैली में पीएम मोदी ने शाइना एनसी के खिलाफ अभद्र टिप्पणियों के लिए विपक्ष की कड़ी आलोचना की थी।

मुख्यमंत्री योगी ने जेएमएम, कांग्रेस और आरजेडी गठबंधन की सरकार को माफियाओं और भ्रष्टाचारियों का संरक्षक करार दिया

कोडरमा उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने झारखंड में जेएमएम, कांग्रेस और आरजेडी गठबंधन की सरकार को माफियाओं और भ्रष्टाचारियों का संरक्षक करार दिया है। उन्होंने मंगलवार को झारखंड की कोडरमा और बरकट्ठा विधानसभा सीट के भाजपा उम्मीदवारों के पक्ष में चुनावी सभा को संबोधित करते हुए लोगों से विकास, सुरक्षा, सम्मान और सुशासन के लिए राज्य में भाजपा की सरकार बनाने का आह्वान किया। योगी आदित्यनाथ ने कहा कि इस देश में एक औरंगजेब आया था, जिसने पवित्र मंदिरों को नष्ट किया था, और झारखंड की सरकार में आलमगीर नामक एक मंत्री आया जिसने झारखंड वासियों का पैसा लूटा। उसके नौकरों और परिवार के लोगों के पास करोड़ों रुपए के नोटों की गड्डियां बरामद हुई। लूट का इससे घटिया स्तर और क्या हो सकता है? उन्होंने कहा कि आज झारखंड में बालू माफिया, खनन माफिया, जंगल माफिया, संगठित अपराध में संलिप्त माफिया को सरकार का संरक्षण हासिल है। राज्य में भाजपा की सरकार बनाइए, इन माफियाओं का उसी तरह खात्मा हो जाएगा, जैसे उत्तर प्रदेश में हुआ। योगी आदित्यनाथ ने कहा कि 2017 के पहले यूपी में भी यही हाल था। माफिया सीना तान कर चलते थे। गरीबों, किसानों, नौजवानों की जान की कीमत नहीं थी। 2017 में भाजपा की सरकार बनी और उसके बाद माफियाओं पर बुलडोजर चलना प्रारंभ किया। आज तमाम दुर्दांत भू-माफिया उत्तर प्रदेश की धरती छोड़ चुके हैं। कुछ जेल में है और कुछ का राम नाम सत्य हो गया है। माफिया वहां से ऐसे गायब हो गए, जैसे गधे के सिर से सींग। यूपी के सीएम ने कहा कि झारखंड में हो रहा चुनाव उनलोगों को जवाब देने का अवसर है, जिनको छला है। देश में जहां भी भाजपा की सरकार हैं, विकास का मॉडल दिया है। गरीबों को हिस्सा, किसानों को अधिकार और सम्मान, हर किसी को राशन और आयुष्मान की सुविधा, हर किसी के लिए मकान की गारंटी केवल भाजपा ही दे सकती है। हरियाणा में हाल में हुए चुनाव के नतीजों की चर्चा करते हुए उन्होंने कहा कि चुनाव के पहले कई लोग कहते थे कि कांग्रेस और उसके सहयोगी जीतेंगे, लेकिन वहां की जनता ने विकास, सुरक्षा, सुव्यवस्था और सुशासन के लिए डबल इंजन की सरकार बनाई है। कांग्रेस पर हमला बोलते हुए योगी आदित्यनाथ ने कहा कि देश आजाद होने के बाद जनता ने कांग्रेस को लंबे समय तक शासन का अवसर दिया। लेकिन उसने कभी गरीबों के लिए ईमानदारी से कोई योजना नहीं चलाई। कांग्रेस की सरकार के समय चीन देश के अंदर घुसता था। आज चीन की सेनाएं पीछे हट रही हैं। पाकिस्तान को तो भारत का नाम सुनकर कंपकंपी हो जाती है। उसे सपने आते हैं कि भारत कभी भी हम पर हमला कर सकता है। सरकार ऐसी ही होनी चाहिए , जो दुश्मन को दहला सके। कांग्रेस और उसके साथियों ने कश्मीर की समस्या खड़ी की। मोदी जी ने समाधान किया। हर नौजवान को काम, हर किसान को सम्मान, हर बहन बेटी की सुरक्षा की गारंटी भाजपा ही दे सकती है। उन्होंने कहा अयोध्या में 500 वर्षों के बाद भव्य दीपोत्सव आयोजित हुआ है। प्रभु रामलला सदियों बाद अपने धाम में विराजमान हो गए हैं और हर भारतवासी का सीना गर्व से चौड़ा हुआ है। अयोध्या तो बस शुरुआत है। मथुरा में भी श्रीकृष्ण लला की अपने धाम में वापसी अवश्य होगी। विरासत और विकास का समन्वय कैसे हो सकता है, सुरक्षा और सुशासन का समन्वय कैसे हो सकता है, इसका उदाहरण सिर्फ भाजपा प्रस्तुत कर सकती है। उन्होंने कहा कि प्राकृतिक संसाधनों से संपन्न और धरती आबा बिरसा मुंडा की पावन धरा झारखंड को केवल भाजपा संवार सकती है। झारखंड चुनाव के लिए घोषित भाजपा के पंचप्रण का उल्लेख करते हुए उन्होंने कहा कि मोदी जी की गारंटी हर हाल में पूरी होती है।

महाराष्ट्र में मतदान से 15 दिन पहले शरद पवार ने कर दिया बड़ा ऐला, अब मै भविष्य में चुनाव नहीं लड़ना चाहता

बारामती कद्दावर नेता और राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (राकांपा) (एसपी) के प्रमुख शरद पवार ने घोषणा की कि वह भविष्य में कोई भी चुनाव नहीं लड़ना चाहते। उनकी यह घोषणा ऐसे समय आई है जब महाराष्ट्र में विधानसभा चुनाव होने हैं। बता दें राज्यसभा में उनका कार्यकाल भी समाप्ति की ओर है। गौरतलब है कि शरद पवार तीन बार महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री रह चुके हैं। पवार ने यह बात बारामती में अपनी चुनावी यात्रा के दौरान जनता को संबोधित करते हुए कही जहां वे अपने पोते युगेंद्र पवार के चुनाव प्रचार के लिए पहुंचे थे। शरद पवार का ऐलान- नई पीढ़ी को सौंपेंगे जिम्मेदारी पवार ने जनता को संबोधित करते हुए कहा, “मैं अब लोकसभा का चुनाव नहीं लड़ूंगा। अब तक मैंने 14 चुनाव लड़े हैं, और आप लोगों ने हर बार मुझे विजयी बनाया। अब समय आ गया है कि नई पीढ़ी को मौका दिया जाए। मैं सामाजिक कार्य जारी रखूंगा, खासकर ग्रामीण और पिछड़े क्षेत्रों के लिए। इस काम के लिए मुझे किसी चुनाव में जीतने की जरूरत नहीं है।” उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि 2026 में राज्यसभा का कार्यकाल समाप्त होने के बाद वह सोचेंगे कि क्या उन्हें पद से अलग होना चाहिए। शरद पवार का केंद्र सरकार पर करारा प्रहार चुनावी सभा को संबोधित करते हुए शरद पवार ने इस मौके पर भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) पर भी तीखा हमला बोला। उन्होंने आरोप लगाया कि कई बड़े प्रोजेक्ट्स, जो महाराष्ट्र में आने चाहिए थे उन्हें गुजरात शिफ्ट कर दिया गया। उन्होंने कहा, “जब मैं सत्ता में था, तो मैंने पुणे के विकास पर जोर दिया। पर आज की सरकार सिर्फ एक राज्य के लिए काम कर रही है। टाटा एयरबस का कारखाना जो नागपुर में लगना था, उसे गुजरात भेज दिया गया। इसी तरह वेदांता-फॉक्सकॉन का सेमीकंडक्टर प्लांट भी गुजरात चला गया। अगर आप केवल एक राज्य के लिए काम करेंगे, तो प्रधानमंत्री बनने का क्या मतलब है?” परिवार में फिर जंग का गवाह बनेगी बारामती की सीट बारामती में पवार परिवार के बीच एक बार फिर चुनावी मुकाबला देखने को मिलेगा। इस बार विधानसभा चुनावों में अजित पवार और उनके भतीजे योगेंद्र पवार आमने-सामने होंगे। इससे पहले लोकसभा चुनाव में अजित पवार ने अपनी पत्नी सुनेत्रा पवार को अपनी ननद सुप्रिया सुले के खिलाफ खड़ा किया था। बारामती की सीट पर चुनावी तैयारियां तेज हो गई हैं, और यह सीट एक बार फिर पवार परिवार के भीतर ही संघर्ष का गवाह बनेगी।

खरगे ने कहा कि वह भाजपा और कांग्रेस की गारंटियों पर बहस की चुनौती देते हैं, पीएम मोदी को बेंगलुरु आने को कहा

हजारीबाग कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को आमने-सामने होकर बहस की चुनौती दे डाली है। झारखंड के हजारीबाग में चुनावी सभा को संबोधित करते हुए खरगे ने कहा कि वह भाजपा और कांग्रेस की गारंटियों पर बहस की चुनौती देते हैं। उन्होंने पीएम मोदी को बेंगलुरु आने को कहा। खरगे ने कहा कि वह वहां आएं और देखें कि गारंटियों को पूरा किया गया है। ‘जितना बजट उतनी ही गारंटी’ को लेकर खरगे के बयान का जिक्र करते हुए पीएम मोदी कांग्रेस को निशाने पर ले रहे हैं। मल्लिकार्जुन खरगे ने कहा कि सबसे पहले कांग्रेस सरकार ने महिलाओं के लिए आर्थिक सहायता वाली स्कीम लागू की जिसकी नकल भाजपा सरकारों ने की है। खरगे ने कहा, ‘उनके पास कोई ओरिजनल स्कीम नहीं है। कर्नाटक में हम भाग्यलक्ष्मी योजना लाए और महिलाओं को 2 हजार रुपए दिया। इसकी नकल मोदी जी हर जगह कर रहे हैं।’ खरने ने कहा कि उन्होंने बेंगलुरु में कुछ बातें कहीं जिसका जिक्र मोदी जी ने कुछ जगहों पर किया है। कांग्रेस अध्यक्ष ने पलटवार करते हुए कहा, ‘अगर उनको हमारी गारंटी पर भरोसा नहीं, मैं उनको चैलेंज करता हूं वो बेंगलुरु आएं मैं बताऊंगा कि हमने जो 5 गारंटी दी थी उसमें से कितने लागू किया, कितने लोगों तक पहुंचाया, कितना खर्च किया। जो हिसाब आपके सामने रखा हूं पूरा डिटेल वहां रखूंगा। बहस ऐसे टेबल पर हो, वो इधर और मैं उधर, नहीं तो मैं ऊधर और वो इधर। बहस करूंगा किसकी सरकार ने अच्छा का किया, किसकी सरकार ने गारंटी पहुंचाई है।’ खरगे ने पीएम मोदी पर शायरना अंदाज में भी हमला किया और कहा,’तुम्हारे वादों का कद भी तुम्हारे जैसा है, कभी भी नापकर देखो कम निकलता है।’ झारखंड में बांग्लेदशी घुसपैठ को लेकर पीएम मोदी के आरोपों का जवाब देते हुए खरगे ने कहा कि यदि ऐसा हो रहा है तो क्या वह गद्दी पर सो रहे हैं। उन्होंने कहा कि यदि वह घुसपैठ नहीं रोक सकते हैं तो गद्दी छोड़ दें। कांग्रेस चलाकर दिखाएगी।

अजय सिंह के बाद लक्ष्मण सिंह ने उठाए सवाल, ‘यह प्राइवेट कंपनी नहीं है, MD जो चाहेंगे वो होगा’

भोपाल  मध्यप्रदेश कांग्रेस की कार्यकारिणी पर बवाल जारी है। पूर्व सीएम दिग्विजय सिंह के भाई व पूर्व विधायक लक्ष्मण सिंह ने मोर्चा खोल दिया है। उन्होंने कहा कि पहले सब की राय लेकर कार्यकारिणी घोषित होती थी। यह कोई प्राइवेट लिमिटेड कंपनी नहीं है कि एमडी जो चाहेगा वह होगा। पार्टी सबकी है, किसी परिवार की नहीं है। कांग्रेस के वरिष्ठ नेता लक्ष्मण सिंह ने कहा कि पहले सब की राय लेकर कार्यकारिणी घोषित होती थी। कार्यकर्ताओं से पूछकर कार्यकारिणी बनती थी, जो मेहनत करने वाले कार्यकर्ता थे, उनको हम पद देते थे, एडजस्ट करते थे। यह परंपरा पिछले 25-30 वर्षों से नगण्य हो चुकी है। यह कार्यकारिणी पीसीसी बंद कमरे में बैठकर बनी है। किसी ने इनको लिस्ट पकड़ा दी और इन्होंने जारी कर दी। पूर्व विधायक लक्ष्मण सिंह ने आगे कहा कि यह कोई प्राइवेट लिमिटेड कंपनी नहीं है कि एमडी जो चाहेगा वह होगा। अजय सिंह ने सही बात कही है। अब कांग्रेस राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे जी भी खुद कह रहे है कि वह वादा करो, जो निभा सकते हो। पार्टी सबकी है, किसी के परिवार की नहीं है। PCC चीफ ने कही थी ये बात वहीं लक्ष्मण सिंह की नाराजगी और उनके ट्वीट पर जीतू पटवारी का बयान सामने आया था। उन्होंने कहा था कि हमारा परिवार बड़ा है। बड़े परिवार में छोटा-मोटा मुद्दा होता रहता है। सबको मानने और सबके भावनाओं का सम्मान करना मेरा काम है। मैं प्रदेश अध्यक्ष हूं कुछ आपत्ति आई हैं, जिसे मैंने गंभीरता से लिया है सभी से मेरी बात हो गई है। लक्ष्मण सिंह को पूरी जानकारी नहीं है, इसलिए उन्होंने ऐसा बोल दिया। मैं उनकी बातों का सम्मान करता हूं, वह एक सीनियर लीडर है। गौरतलब है कि मध्य प्रदेश कांग्रेस में कार्यकारिणी को लेकर लंबे समय से चल रहा इंतजार 26 अक्टूर को खत्म हुआ। पीसीसी चीफ जीतू पटवारी की नई टीम का ऐलान हुआ। जिसमें 177 नेताओं को जिम्मेदारी दी गई। इसमें 17 उपाध्यक्ष बनाए गए है, 71 जनरल सेक्रेटरी बनाए गए है। 40 विशेष आमंत्रित सदस्य बनाये गए, वहीं 33 स्थाई आमंत्रित सदस्य बनाए गए है। एग्जीक्यूटिव कमेटी के 16 सदस्य बनाए गए है। लेकिन सूची आने के बाद से अब तक पूर्व विधायक कल्पना वर्मा समेत छह लोगों ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया है।

slot server thailand super gacor

spaceman slot gacor

slot gacor 777

slot gacor

Nexus Slot Engine

bonus new member

olympus

situs slot bet 200

slot gacor

slot qris

link alternatif ceriabet

slot kamboja

slot 10 ribu

https://mediatamanews.com/

slot88 resmi

slot777

https://sandcastlefunco.com/

slot bet 100

situs judi bola

slot depo 10k

slot88

slot 777

spaceman slot pragmatic

slot bonus

slot gacor deposit pulsa

rtp slot pragmatic tertinggi hari ini

slot mahjong gacor

slot deposit 5000 tanpa potongan

mahjong

spaceman slot

https://www.deschutesjunctionpizzagrill.com/

spbo terlengkap

cmd368

368bet

roulette

ibcbet

clickbet88

clickbet88

clickbet88

bonus new member 100

slot777

https://bit.ly/m/clickbet88

https://vir.jp/clickbet88_login

https://heylink.me/daftar_clickbet88

https://lynk.id/clickbet88_slot

clickbet88

clickbet88

https://www.burgermoods.com/online-ordering/

https://www.wastenotrecycledart.com/cubes/

https://dryogipatelpi.com/contact-us/

spaceman slot gacor

ceriabet link alternatif

ceriabet rtp

ceriabet

ceriabet link alternatif

ceriabet link alternatif

ceriabet login

ceriabet login

cmd368

sicbo online live

Ceriabet Login

Ceriabet

Ceriabet

Ceriabet

Ceriabet

casino online

clickbet88

login kudahoki88

Ceriabet

Ceriabet

Ceriabet