LATEST NEWS

किसी भी स्थिति में बच्चों को परीक्षा न किया जाए वंचित, अन्यथा होगी कार्यवाही

Children should not be deprived of exams under any circumstances, otherwise action will be taken निजी स्कूलों की मनमानी के खिलाफ पहुंची शिकायत, कलेक्टर का अल्टीमेंटम भोपाल। आरटीई के तहत पढ़ने वाले बच्चों की फीस और पढ़ाई को लेकर निजी स्कूलों की मनमानी के खिलाफ लगातार शिकायतें मिलने के बाद कलेक्टर कौशलेंद्र विक्रम सिंह ने निजी स्कूलों को अल्टीमेटम दिया है। कलेक्टर ने सभी स्कूलों को आदेश दिए कि किसी भी स्थिति में स्कूल में प्रवेशित छात्र-छात्राओं को स्कूल से तथा आयोजित होने वाली परीक्षाओं से वंचित न किया जाए। अन्यथा की स्थिति में अनुशासनात्मक कार्यवाही के लिए बाध्य होना पड़ेगा, जिसके लिए स्कूल खुद जिम्मेदार होंगें। मामले में अभिभावकों को लेकर राहत देते हुए कहा गया है कि निजी स्कूलों की इस तरह की किसी भी शिकायत के लिए कलेक्टर व जिला शिक्षा अधिकारी से संपर्क किया जा सकता है। यह है पूरा मामला दरअसल, शास, अशास, अल्पसंख्यक, सीबीएससी स्कूलों में पढ़ने वाले कई विद्यार्थियों के अभिभावकों द्वारा जनसुनवाई के दौरान और विभिन्न आवेदनों के माध्यम से इसको लेकर कलेक्टर सहित अन्य कार्यालयों में शिकायतें की गई हैं। इस शिकायत में बताया गया है कि संबंधित शाला द्वारा उनके बच्चों की आर.टी.ई. प्रावधान अंतर्गत फीस प्रतिपूर्ति न होने, पूर्व संस्था द्वारा टी.सी. प्रदाय न करने, समग्र पोर्टल में नाम अंकित न होने अथवा त्रुटिपूर्ण होने, शाला में फीस जमा न कर पाने के कारण बच्चों को शाला में अध्ययन न कराते हुए परीक्षा से वंचित किया जा रहा है एवं अलग से फीस की मांग की जा रही है, जबकि आर.टी.ई. के अंतर्गत आने वाले छात्रों को पूर्णतः निःशुल्क शिक्षा प्राप्त करने का अधिकार है।

मध्य प्रदेश में RTE के तहत फ्री स्कूल एडमिशन के लिए आवेदन चालू

Application open for free school admission under RTE in Madhya Pradesh मध्य प्रदेश राज्य शिक्षा केन्द्र, भोपाल द्वारा शैक्षणिक सत्र 2024-25 के लिये शिक्षा का अधिकार अधिनियम के अंतर्गत गैर-अनुदान मान्यता प्राप्त अशासकीय स्कूलों में कमजोर वर्ग एवं वंचित समूह के बच्चों के ऑनलाइन नि:शुल्क प्रवेश के लिये समय-सारणी जारी की गई है। शिक्षा का अधिकार ऑनलाइन आवेदन के लिए अधिकृत वेबसाइट संचालक राज्य शिक्षा केन्द्र श्री धनराजू एस ने बताया कि 23 फरवरी से 3 मार्च, 2024 तक www.educationportal.mp.gov.in/rte पोर्टल पर ऑनलाइन आवेदन लिये जायेंगे। पोर्टल पर त्रुटि सुधार के लिये विकल्प उपलब्ध रहेगा। ऑनलाइन आवेदन के बाद आवेदक 24 फरवरी से 5 मार्च तक पावती डाउनलोड और मूल दस्तावेजों का केन्द्रों में सत्यापन करा सकेंगे। MP RTE स्कूल एडमिशन के लिए ऑनलाइन लॉटरी की तारीख आरटीई के तहत 7 मार्च, 2024 को पारदर्शी रेण्डम पद्धति से ऑनलाइन लॉटरी आयोजित करते हुए आवेदकों को स्कूल आवंटित किया जायेगा। आवेदकों को एसएमएस से भी सूचित किया जायेगा। लॉटरी में चयनित आवेदक 11 मार्च से 19 मार्च, 2024 तक आवंटन-पत्र डाउनलोड कर आवंटित स्कूल में प्रवेश पा सकेंगे। प्रवेश लेते समय ही संबंधित प्रायवेट स्कूल द्वारा मोबाइल एप के माध्यम से एडमिशन रिपोर्ट भी दर्ज की जायेगी।MP RTE का सेकंड राउंड कब शुरू होगा प्रथम चरण की प्रक्रिया समाप्त होते ही द्वितीय चरण में प्रवेश के लिये प्रक्रिया शुरू की जायेगी। पोर्टल पर 21 मार्च, 2024 को रिक्त सीटों को प्रदर्शित किया जायेगा। द्वितीय चरण में 22 से 26 मार्च तक स्कूलों की च्वाइस अपडेट की जा सकेगी। द्वितीय चरण की ऑनलाइन लॉटरी 28 मार्च को होगी और स्कूलों का आवंटन किया जायेगा। द्वितीय चरण में लॉटरी से चयनित आवेदक 30 मार्च से 5 अप्रैल, 2024 के बीच आवंटन-पत्र डाउनलोड कर आवंटित स्कूल में प्रवेश प्राप्त कर सकेंगे। राज्य शिक्षा केन्द्र ने सभी जिला कलेक्टर्स को नियमानुसार पूर्ण पारदर्शी तरीके से नियत समय में यह कार्य सम्पादित किये जाने के निर्देश जारी किये हैं।

वर्षों से विभिन्न विभागों में अटैच प्रोफेसरों को वापस बुलाने की तैयारी

Preparation to recall professors attached to various departments for years भोपाल। वर्षों से विभिन्न विभागों में अटैच प्रोफेसरों को वापस बुलाने के लिए अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद के पदाधिकारियों ने उच्च शिक्षा मंत्री इंदरसिंह परमार को ज्ञापन सौंपा है। जिसके बाद इन प्रोफेसरों को मूल पदस्थापना पर भेजने के तैयारी चल रही है। हालांकि कुछ इसे रोकने के लिए मंत्रियों और विभाग के आला अधिकारियों के चक्कर काट रहे हैं। दरअसल, प्रदेश के कॉलेजों में वर्षों से प्रोफेसरों और कर्मचारियों के पद खाली पड़े हैं। प्रोफेसरों की पदस्थापना कॉलेजों में होने के कारण उन पदों पर अतिथि विद्वान भी नहीं रखे जा रहे हैं।  ऐसे में प्रदेश के अधिकांश सरकारी कॉलेजों में नए असिस्टेंट प्रोफेसरों और अतिथि विद्वानों के भरोसे पढ़ाई चल रही है। जबकि विषय विशेषज्ञ प्रोफेसर उच्च शिक्षा विभाग के कार्यालयों में बाबूगिरी कर रहे हैं। सूत्रों की माने तो करीब सौ से अधिक प्रोफेसर विभाग, मंत्रियों और विधायकों के पास अटैच हैं। अकेले राजधानी में डेढ़ दर्जन प्रोफेसर मुख्यालय और अन्य विभागों में अटैच होकर काम कर रहे हैं। जबकि इनका वेतन उनकी मूल पदस्थापना वाले कॉलेजों से निकल रहा है।

अब विदेशी प्रोफेसर लेंगे आईआईआईटी में ऑनलाइन क्लास, विद्यार्थियों को मिलेगा कई विषयों में विशेष मागर्दशन

Now foreign professors will take online class in triple IIIT, students will get special guidance in many subjects भोपाल। राजधानी स्थित भारतीय सूचना प्रौद्योगिकी संस्थान (आईआईआईटी) ने अपने विद्यार्थियों के विश्वस्तरीय शिक्षण के लिए चीन, ऑस्ट्रेलिया एवं जापान सहित अन्य देशों के प्रसिद्ध शिक्षकों के साथ अनुबंध किया है। यह विदेशी प्रोफेसर ऑनलाइन माध्यम से विश्वस्तरीय अनुसंधान एवं तकनीकों से विद्यार्थियों को अवगत कराएंगे। प्रोफेसरों में शियाओचिंग वेन, एथानासियोस वासिलकोस, सी टेंग सो, डॉण् वॉल्कर लिंडेंसट्रुथ, चंग नेन ली और गुरदीप सिंह जैसे अनुभवी एवं विश्व स्तरीय प्रोफेसर शामिल हैं। यह सभी यूनिवर्सिटी ऑफ मैरीलैंड ईस्टर्न शोर्स, सुन्येत्सन यूनिवर्सिटी, कर्टीन यूनिवर्सिटी और यूआईए नॉर्वे जैसी विश्व प्रसिद्ध संस्थाओं में कार्यरत हैं।  प्रोफेसर अथानासियोस वी. वासिलकोस स्वीडन में लूलिया यूनिवर्सिटी ऑफ टेक्नोलॉजी में पूर्णकालिक प्रोफेसर हैं। वे कंप्यूटर साइंस, इलेक्ट्रिकल और स्पेस इंजीनियरिंग में प्रोफेसर हैं। उनकी विशेषज्ञता साइबर-भौतिक प्रणालियों में सुरक्षा है। उन्होंने सुरक्षा और गोपनीयता, क्रिप्टोग्राफी, साइबर सुरक्षा के अर्थशास्त्र, क्रिप्टोकरेंसी प्रोटोकॉल, नेटवर्क, कॉम्प्लेक्स नेटवर्क, क्लाउड कंप्यूटिंग, बिग डेटा, मशीन लर्निंग, बायोकंप्यूटिंग में गहन शोध किया है। उन्होंने 1500 से अधिक शोध प्रकाशित किए हैं। ट्रिपल आईटी भोपाल ने प्रोण् वासिलकोस के साथ सहयोग किया है। वे ऑनलाइन व्याख्यान के माध्यम से कॉलेज के छात्रों के साथ अपने अनुभव साझा करेंगे। यह है इन प्रोफेसर्स की विशेषज्ञताडॉ. सी तेंग सोह वर्तमान में ऑस्ट्रेलिया के पर्थ में कर्टिन विवि में एसोसिएट प्रोफेसर हैं।  विज्ञान और इंजीनियरिंग विभाग के तहत इलेक्ट्रिकल इंजीनियरिंग, कंप्यूटर और गणित विज्ञान स्कूल में कार्यरत हैं। उन्होंने लुइसियाना स्टेट यूनिवर्सिटी, बैटन रूज से पोस्ट-डॉक्टरेट की पढ़ाई पूरी की है। वे कंप्यूटर नेटवर्क, नेटवर्क, विश्वसनीयता, वायरलेस मेष नेटवर्क ट्रैफिक इंजीनियरिंग, पीयर-टू-पीयर नेटवर्क, एल्गोरिदम डिजाइन शामिल हैं। जर्मनी के फ्रेंकफर्ट में निदेशक हैं प्रो. वोल्कर:प्रो. वोल्कर लिंडेनस्ट्रुथ वर्तमान में जर्मनी के फ्रेंकफर्ट में फ्रेंकफर्ट इंस्टीट्यूट फॉर एडवांस्ड स्टडीज में निदेशक मंडल के अध्यक्ष के रूप में कार्यरत हैं। उन्होंने कई वैज्ञानिक पदों पर काम किया है और 1997 में आईकोर प्रौद्योगिकियों की स्थापना की है। उनके शोध का क्षेत्र कंप्यूटर विज्ञान और एआई सिस्टम है, जिसमें ऊर्जा, बिग डेटा, उच्च-प्रदर्शन कंप्यूटिंग और परमाणु भौतिकी पर प्रमुख ध्यान दिया गया है। प्रो. हुरा यूनिवर्सिटी ऑफ मैरीलैंड ईस्टर्न से जुड़ेप्रोण् गुरदीप एस. हुरा वर्तमान में यूनिवर्सिटी ऑफ मैरीलैंड ईस्टर्न शोर से जुड़े हुए हैं। उन्होंने 1972 में जबलपुर विवि (भारत) से बीई, 1975 में रूड़की विवि से एमई और 1984 में रूड़की विवि से पीएच.डी. प्राप्त की। मील का पत्थर साबित होगाट्रिपल आईटी के निदेशक प्रो.आशुतोष कुमार सिंह ने कहा कि ट्रिपल आईटी के विद्यार्थियों को विश्वस्तरीय विदेशी प्रोफेसर्स का शिक्षण ट्रिपल आईटी भोपाल के लिए एक मील का पत्थर साबित होगा।

युवा क्रांति की मांग- डॉ धारणा के विरुद्ध कार्यवाही हो 

2 साल में भी कमेटी की जांच नहीं हुई पूरी; शासकीय भूमि पर किया था। कब्जा  Demand for youth revolution – action should be taken against Dr. Dharana. The investigation of the committee was not completed even in 2 years; done on government land. Retraction  जबलपुर। जवाहरलाल नेहरू कृषि विश्वविद्यालय के पूर्व कुलपति डॉ प्रदीप कुमार बिसेन ने अपनी बहु डॉ धारणा बिसेन को नियम विरुद्ध नियुक्त किया था। जिस पर लोकायुक्त जबलपुर ने संज्ञान लेते हुए डॉ बिसेन के खिलाफ अपराध दर्ज किया था। अब डॉ धारणा बिसेन के खिलाफ भी कार्रवाई की जाए। यह बात युवा क्रांति संगठन के संयोजक अनुराग तिवारी ने प्रेसवार्ता के दौरान कहीं। उन्होंने कहां लोकायुक्त में इस अपराध की विवेचना जारी है। इस अपराध में पूर्व कुलपति डॉ पीके बिसेन के साथ पूर्व रजिस्ट्रार अशोक कुमार इंगले को भी अपराधी बनाया गया है। अब उनकी बहू धारणा बिसेन के खिलाफ भी कार्यवाही की जाए। संगठन का आरोप हैं कि उनकी नियुक्ति भी नियम विरुद्ध तरीके से की गई है। जिसको लेकर युवा क्रांति लोकायुक्त को शिकायत कर चुकी हैं। 2 साल बीते यूनिवर्सिटी ने नहीं की जांच क्रांति संगठन के प्रदेश सचिव देवा झारिया का कहना है की यूनिवर्सिटी में पदस्थ प्रोफेसर ने शासकीय 57 एकड़ भूमि पर कब्जा किया था। जिसे तत्कालीन कलेक्टर इलैया राजा टी ने अतिक्रमण मुक्त कराया था। जिसको लेकर लोकायुक्त ने विश्वविद्यालय को पत्र लिख जांच करने की अनुमति मांगी थी। लेकिन विश्वविद्यालय के कुलपति और कुलसचिव ने अनुमति नहीं दी। हालांकि 2 साल पहले 15 मार्च 2022 को कमेटी बनाई और 15 दिन के भीतर रिपोर्ट सौंपने कहां था। कुलसचिव के आदेशों की भी उड़ाई गई धज्जियां बावजूद इसके 2 साल बीत जाने के बाद भी कुलसचिव के आदेश की धज्जियां उड़ाई गई और अभी तक रिपोर्ट नहीं सौंपी गई। ऐसे में यूनिवर्सिटी के प्रोफेसर डॉ एम ए खान और डॉ परवेज राजन खान के ऊपर भी कार्यवाही की जानी चाहिए। जिन्होंने शहपुरा भिटौनी के ग्राम खैरी में शासकीय भूमि पर अवैध कब्जा किया था। प्रेसवार्ता के दौरान पुष्पराज पांडे, वैभव पांडे, विवेक ठाकुर, रूपेश सिंह, अंकित पटेल, संतोष तिवारी, अंबुज स्वामी सुजीत पटेल सहित अन्य मौजूद रहे।

स्कूल में पढ़ने वाले बच्चों को उनके अधिकारों से अवगत कराया जाए: स्कूल शिक्षा मंत्री

Children studying in schools should be made aware of their rights: School Education Minister भोपाल। शिक्षा हर बच्चे का अधिकार है और महत्वपूर्ण है, उसी तरह बच्चों की सुरक्षा और उनका संरक्षण भी अत्यंत महत्वपूर्ण है। आवश्यक है कि स्कूल में पढ़ने वाले बच्चों को उनके अधिकारों से अवगत कराया जाए। यह बात स्कूल शिक्षा एवं परिवहन मंत्री उदय प्रताप सिंह ने कही। बाल शिक्षा का अधिकार अधिनियम-2005, किशोर न्याय अधिनियम-2012 एवं पॉक्सो अधिनियम-2015 की जागरूकता के लिए मप्र बाल अधिकार संरक्षण आयोग द्वारा राजधानी स्थित समन्वय भवन में बुधवार को राज्य स्तरीय कार्यशाला का आयोजन किया गया। इस कार्यशाला में स्कूल शिक्षा तथा परिवहन मंत्री उदय प्रताप सिंह, महिला एवं बाल विकास मंत्री निर्मला भूरिया और मप्र राज्य बाल अधिकार संरक्षण आयोग के अध्यक्ष देवेन्द्र मोरे, आयोग के सदस्य ओंकार सिंह, डॉ. निशा श्रीवास्तव, मेघा पवार, अनुराग पाण्डेय, डॉ. निवेदिता शर्मा और सोनम निमामा सहित अन्य उपस्थित रहे। स्कूल शिक्षा मंत्री सिंह ने कहा कि इस संदर्भ में और बेहतर कार्य कैसे किया जा सकता है, इसके लिये स्कूल शिक्षा और महिला बाल विकास विभाग संयुक्त बैठक कर आगे की रणनीति बनाएगे। हमारी कोशिश है कि जनजाति क्षेत्रों मे भी आंगनवाड़ी खोले जाएं:मंत्री निर्मला भूरियामहिला बाल विकास मंत्री निर्मला भूरिया ने कहा कि अब आदिवासी क्षेत्रों में भी ऐसी कार्यशालाएं आयोजित होंगी, जिससे उस क्षेत्र के बच्चे भी अपने अधिकारों को समझ सकेंगे। उन्होंने कहा कि शहरों में कई संस्थाएँ काम कर रही हैं, परंतु आदिवासी क्षेत्रों मे इसका अभाव है। संस्थाएँ ऐसे क्षेत्रों में भी जागरूकता के लिये काम करें। हमारी कोशिश है कि बच्चों और महिलाओं के उत्थान के लिये जनजाति क्षेत्रों मे भी आंगनवाड़ी खोले जाएं।आरटीई में 12वीं तक निःशुल्क शिक्षा करने का प्रस्ताव: कार्यशाला में म.प्र. बाल संरक्षण आयोग के अध्यक्ष रविन्द्र मोरे ने सुझाव दिया कि प्रवासी मजदूर परिवारों के बच्चों को भी देश के हर प्रदेश में एक जैसी शिक्षा एवं मध्यान्ह भोजन प्राप्त कर सकें, इसके लिये वन नेशन वन ऐनरोल्मेंटपर कार्य किया जाना चाहिए। उन्होंने निःशुल्क एवं अनिवार्य बात शिक्षा अधिनियम मे कक्षा 8वीं तक निःशुल्क शिक्षा को बढ़ाकर कक्षा 12वीं तक करने का प्रस्ताव रखा।

स्वास्थ्य और चिकित्सा शिक्षा विभाग होंगे मर्ज,सभी जिलों में खुलेंगे पीएम कॉलेज ऑफ एक्सीलेंस

भोपाल ! मध्यप्रदेश में चिकित्सा शिक्षा विभाग और स्वास्थ्य विभाग अब मिलकर एक होंगे। मंत्रालय में शाम को होने वाली कैबिनेट बैठक में इसे मंजूरी दी जाएगी। वहीं प्रदेश के सभी जिलों में पीएम कॉलेज आफ एक्सीलेंस खोले जाएंगे। मध्यप्रदेश में चिकित्सा शिक्षा विभाग और स्वास्थ्य विभाग के अलग-अलग होंने के कारण कई तरह की दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा था। दोनो विभाग आमजनता की स्वास्थ्य सुविधाओं पर काम करते है। लेकिन चिकित्सा शिक्षा विभाग मेडिकल एजूकेशन पर काम करता है और स्वास्थ्य विभाग केवल प्रदेश की स्वास्थ्य सुविधाओं पर ही काम करता है। मेडिकल एजूकेशन विभाग के अंतर्गत प्रदेशभर के मेडिकल कॉलेज आते है और इन कालेजों से सम्बद्ध अस्पतालों में ही जूनियर डॉक्टर और चिकित्सा शिक्षा विभाग के विशेषज्ञ डॉक्टर काम करते है। नीतिगत मसलों पर दोनो विभाग अलग- अलग होने के कारण कई दिक्कते आ रही थी। इन्हें दूर करने के लिए अब दोनो विभागों को मिलाकर एक किया जा रहा है नये विभाग का नाम लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण तथा चिकित्सा शिक्षा विभाग होगा। इन्हें दूर करने के लिए अब दोनो विभागों को मिलाकर एक किया जा रहा है। प्रदेश के सभी जिलों में प्रधानमंत्री कॉलेज ऑफ एक्सीलेंस खोले जाने है। इस प्रस्ताव पर भी आज होंने वाली कैबिनेट बैठक में चर्चा की जाएगी। ये कॉलेज विशेष होंगे और इनमें विद्यार्थियों को सभी तरह के विषयों पर अध्ययन करने की सुविधा होगी। इन कॉलेजों को रोजगारोन्नमुखी शिक्षा से भी जोड़ा जाएगा। हर जिले में ऐसा एक कॉलेज खोला जाएगा। इसके अलावा अशोकनगर जिले में मल्हारगढ़ सिचाई परियोजना के लिए 72 करोड़ रुपए की मंजूरी देने के प्रस्ताव पर भी कैबिनेट में चर्चा की जाएगी। चार अधिकारियों और कर्मचारियों के द्वारा की गई अनियमितताओं के चलते उनके विरुद्ध अनुशासनात्मक कार्यवाही करने और उनकी विभागीय जांच शुरु करने के प्रस्तावों पर भी चर्चा की जाएगी।

विज्ञान मेले में बच्चों ने दिखाई अपनी प्रतिभा, एक से बढ़कर एक माडल किए तैयार

Children showed their talent in the science fair, prepared many models हरिप्रसाद गोहे आमला । प्रतिवर्ष अनुसार इस वर्ष भी जन शिक्षा केंद्र कन्या शाला अमला द्वारा संकुल स्तर पर विज्ञान मेंले का आयोजन नगर के नगर पालिका स्कूल में आयोजित किया गया। जन शिक्षक मानवेंद्र सिंह सिसोदिया ने बताया आयोजित मेले से चयनित माडल विकासखंड स्तरीय मेले में शामिल होंगे ! वहां से चयनित माडल को जिला स्तरीय मेले में स्थान मिलेगा । गौरतलब हो की आयोजित विज्ञान मेले में संकुल स्तर पर आने वाले विभिन्न ग्रामों के स्कूलों के बच्चे अपने-अपने प्रदर्शन लेकर मेले में पहुंचे थे । उपस्थित प्रदर्शों का संयुक्त चयन दल द्वारा चयन कर उन्हें प्रोत्साहित किया गया । मिली जानकारी अनुसार प्रदर्शनी में विज्ञान गणित पर्यावरण एवं सामाजिक विज्ञान थीम पर प्रदर्शनी जन शिक्षा केंद्र हायर सेकेंडरी कन्या स्कूल आमला द्वारा कक्षा 6 से 8 एवं 9 से 12 तक के विद्यार्थियों के लिए प्रतियोगिता नपा स्कूल आमला में आयोजित की गई । जिसमें इकाई परिवर्तन, पर्यावरण , स्वस्थ जीवन के मानक एवं विज्ञान, डीजे साउंड मॉडल के अलावा अन्य मॉडल बच्चों द्वारा प्रस्तुत किए गए । जिसमें से तीन तीन मॉडलों का चयन किया गया। उक्त प्रदर्शनी में शासकीय माध्यमिक शाला ठानी से कक्षा आठवीं की छात्रा उर्वशी इवने, ग्यारसू परते, शासकीय माध्यमिक शाला तिरमहु से गरिमा ठाकरे , अंकिता मालवीय, चेतना बारस्कर,द्वारा त्रिकोणमिति चार्ट बनाया गया । प्रदर्शनी में निर्णायक भूमिका बतौर सर दिलीप हाथिया, ममता चौहान, ओम प्रकाश साहू एकेडमिक समन्वयक प्रभारी द्वारा प्रदर्शों का चयन किया गया । इस अवसर पर प्रमुख रूप से जन शिक्षक मानवेंद्र सिंह सिसोदिया, जितेंद्र पवार, जन शिक्षक राजेश घोरसे,मोहन कापसे देवेंद्र शरणागत, कैलाश सलामे, प्रतिभा सोनी, रितु चौहान, रीता गौरसे, उषा गावंडे, आदि शिक्षक मौजूद रहे ।

बीच सत्र में अतिथि शिक्षकों को हटाने के निर्देश

Instructions to remove guest teachers mid-session भोपाल। प्रदेश के सरकारी स्कूलों में शिक्षकों के खाली पदों के विरुद्ध रखे गए अतिथि शिक्षकों को बीच सत्र में हटाने के निर्देश जारी किए गए हैं। प्रदेशभर के जिला शिक्षा अधिकारियों ने जहां पर शिक्षकों की पदस्थापना हो गई है, वहां से अतिथि शिक्षकों को बाहर करने के निर्देश जारी किए हैं। दरअसल, प्रदेश के स्कूलों में जिन विषयों पर अतिथि शिक्षक पढ़ा रहे थे। उन विषयों पर नए शिक्षक नियुक्त हो गए हैं इसलिए अतिथि शिक्षकों को हटाया जा रहा है। इसके चलते अतिथि शिक्षकों के समक्ष रोजी रोटी का संकट उत्पन्न हो गया है।

अपनी जगह सॉल्वर को बिठाकर परीक्षा की थी पास, आरक्षक पर मामला दर्ज

Passed exam by using solver instead case registered against constable शिकायत की जांच के बाद विभाग द्वारा वर्ष 2021 में किया जा चुका है बर्खास्त भोपाल। मिसरोद पुलिस ने विभाग द्वारा बर्खास्त हो चुके आरक्षक पर धोखाधड़ी और परीक्षा अधिनियम की धाराओं समेत अन्य धाराओं में प्रकरण दर्ज किया है। आरोपी ने वर्ष 2012 में हुई मध्य प्रदेश पुलिस आरक्षक भर्ती परीक्षा में अपने स्थान पर साल्वर को बिठाकर परीक्षा पास की थी। इसके बाद शारीरिक दक्षता परीक्षा में वह खुद शामिल हुआ था। शारीरिक परीक्षा पास करने के बाद उसका चयन हो गया। वह नौकरी कर रहा था। इसी बीच शिकायत हो गई। शिकायत की जांच के बाद मामला दर्ज कर लिया गया। पुलिस के अनुसार वर्ष 2012 में पुलिस आरक्षक भर्ती परीक्षा में गोरमी, जिला भिंड निवासी अमित सिंह शामिल हुआ था। फिजिकल और लिखित परीक्षा में पास होने के बाद सागर में उसकी नियुक्ति हो गई। करीब 9 साल नौकरी करने के बाद अमित सिंह ने अपना ट्रांसफर ग्वालियर करवा लिया। इसी बीच किसी व्यक्ति ने पुलिस मुख्यालय में उसकी शिकायत कर दी। शिकायत में बताया गया था कि अमित सिंह फिजिकल टेस्ट में स्वयं उपस्थित हुआ था, जबकि लिखित परीक्षा उसने साल्वर के माध्यम से पास की थी। शिकायत के आधार पर सागर और ग्वालियर एसपी ने जांच की तो शिकायत सही निकली। उसे वर्ष 2021 में पुलिस सेवा से बर्खास्त कर दिया गया। उसके खिलाफ धोखाधड़ी और परीक्षा अधिनियम की धाराओं में प्रकरण दर्ज करने के निर्देश दिए थे। पुलिस ने ग्वालियर के यूनिवर्सिटी थाने में अमित सिंह के खिलाफ प्रकरण दर्ज कर लिया था। परीक्षा मिसरोद के आरकेडीएफ कालेज में आयोजित हुई थी। इसलिए मिसरोद पुलिस को केस डायरी भेजी गई है।

उच्च शिक्षा विभाग ने बनाया सोशलॉजी से पीएचडी धारक को स्पोर्ट्स में अतिथि विद्वान

Higher Education Department appointed PhD holder from Sociology as guest scholar in sports भोपाल। शिक्षा विभाग में अतिथि विद्वान की नियुक्ति में बड़ी गड़बड़ी प्रकाश में आई हैं। ताज़ा मामला सागर के आर्ट एंड कॉमर्स कॉलेज का सामने आया है जिसमें सोशलॉजी से पीएचडी धारक आवेदक को स्पोर्ट्स में अतिथि विद्वान के रूप में नियुक्ति दे दी गई है। इस गड़बड़ी में महाविद्यालय प्रशासन से लेकर स्थानीय एडी कार्यालय और उच्च शिक्षा विभाग का भोपाल संचालनालय में पदस्थ शीर्ष अधिकारी की भी संलिप्तता नज़र आ रही है। दिलचस्प पहलू यह है कि विभाग द्वारा अपने ही नियमों का पालन नहीं किया गया है। यानि अतिथि विद्वानों की नियुक्ति में संबंधित विषय में पीएचडी/ नेट /स्लेट अथवा सेट को अनिवार्य योग्यता में शामिल किया गया है। लेकिन हाल ही में जारी की गई सूची में विभाग ने प्रमाणिक योग्यताओं को दरकिनार करते हुए अयोग्य को नियुक्ति दे दी। उच्च शिक्षा विभाग की इस कार्यप्रणाली से जहां अतिथि विद्वानों की नियुक्तियों में पारदर्शिता और निष्पक्षता पर सवाल खड़े हो रहे हैं, वहीं दूसरी तरफ योग्य और जरूरतमंद आवेदकों का हक भी मारा जा रहा है।

स्वच्छ भारत मिशन कि धज्जियाँ उड़ा रहा शिक्षा विभाग.. जिम्मेदार मौन

सफाई के नाम से लाखो रुपए कि हो रही खर्च.. शासन के पैसा का दुरूपयोग.. स्वच्छ भारत मिशन कि धज्जियाँ उड़ा रहा शिक्षा विभाग.. जिम्मेदार मौन कार्यालय मे चल रही है बाबुगिरी, जिला शिक्षा अधिकारी के आदेश का हो रहा है खुला अवहेलना.. अब कार्यालय संचालित हो रहे हैं बाबू के भरोसे… सारंगढ़ ! केंद्र सरकार के महत्त्वकांक्षी योजना स्वच्छ भारत मिशन को लेकर सरकार काफ़ी सजग है जहाँ जगह जगह स्वच्छता का सन्देश देने सफाई अभियान चला कर लोगो को जागरूक किया जा रहा है,तो वही शिक्षा विभाग सारंगढ़ ने स्वच्छ भारत मिशन कि धज्जियाँ उड़ा रहे हैं,बहरहाल सारंगढ़ बिलाईगढ़ जिले के जिला शिक्षा अधिकारी के कार्यालय मे इन दिनों गन्दगी का आलम पसरा हुआ है,डीइओ कार्यालय के शौचालय इन दिनों अपने दुर्दशा पर आंसू बहाते नजर आ रहा है, जिसमे आप कार्यालय कि तस्वीर देखकर आप भी हैरान हो जाएंगे शौचालय के दयनीय हालत अनदेखी के चलते ऐसे नहीं हो रहे हैं बल्कि अपने आप को शिक्षा का देवता कहे जाने वाले जिला शिक्षा अधिकारी के कार्यालय मे पदस्थ लोगो ने ही गन्दगी फैला रहे हैं, इस कार्यालय मे अगर आप आएँगे तो आपको आसानी से पान के छींटे जगह जगह दीवालों पर बेसिन, एवं शौचालयों मे दिख जाएंगे इस कार्यालय पर जैसे ही कदम रखेंगे आपको गन्दगी का आभास हो जाएगा, जिससे जिम्मेदारो के लापरवाही के चलते फ़ैल सकती है बड़ी संक्रमण लोग भी पड़ सकते हैं बीमार, स्वच्छता को लेकर शासन के पैसा को साफ सफाई के नाम से लाखो रुपए व्यय करने कि बात कह रहे हैं परन्तु यहाँ पर साफ सफाई सिर्फ कागजो मे ही रह गया है, अगर कार्यालय मे व्यय करने कि राशि का जाँच किया जाए तो बड़ी भ्रष्टाचार उजागर हो सकती है, अब देखना ये होगा कि खबर प्रकाशित होने के बाद जिम्मेदारो पर क्या कार्यवाही होता है या इसे ठन्डे बस्ते मे डाल दिया जाता है

शिक्षा विभाग की लापरवाही से बिना मापदंड चल रहे निजी स्कूल

Private schools running without standards due to negligence of education department मुरैना ! सरकार के नियम कानून तोड़ते निजी स्कूल संचालक अंबाह शिक्षा विभाग के अधिकारीयों की साठगांठ से निजी स्कूल वालो को नहीं है प्रशासन के नियमो का भय अंबाह तहसील मे माध्यमिक विद्यालय सभी मापदंडों को दरकिनार करके चला रहे है निजी स्कूल प्राथमिक विद्यालय प्रशासन के द्वारा शिक्षा विभाग द्वारा निजी स्कूलों के संचालन के लिए कुछ जरूरी शर्ते है लेकिन निजी स्कूलों के संचालको को अधिकारियों की मिलीभगत से सभी नियमो की अवेलना की जा रही है निजी स्कूलों के संचालन के लिए बीस जरूरी शर्तें प्राइवेट स्कूल खोलने 20 शर्तों का पालन करना होता है। इसमें सोसाइटी का पंजीकरण प्रमाण-पत्र, सोसाइटी सदस्यों की प्रतिलिपि, सोसाइटी का संविधान, ततीमा-जमाबंदी की प्रति, स्कूल भवन की फोटो, रेंट एवं लीज डीड संबंधी प्रमाण-पत्र, पेयजल-बिजली उपलब्धता प्रमाण, शौचालय से संबंधी फोटो, शैक्षणिक योग्यता सहित शिक्षक व गैर शिक्षक स्टाफ की जानकारी, आय के साधन, सुविधा उपलब्ध करवाने संबंधी शपथ पत्र, फीस की जानकारी, पुस्तकालय व प्रयोगशाला जानकारी और खेल मैदान की उपलब्धता सहित अन्य दस्तावेजी प्रमाण उपलब्ध करवाने होते हैं। निरीक्षण में नहीं जाते अफसर, इसलिए पंजी में खुद करा लेते हैं हस्ताक्षर मान्यता प्राप्त स्कूलों में अध्यापन व्यवस्था का जायजा जिला और ब्लाक शिक्षा कार्यालयों के अधिकारियों को महीने में कम से कम एक बार लेना है। अफसर स्कूल पहुंचकर निरीक्षण पंजी में अपनी टीम लिखते हैं, लेकिन यहां किसी भी अफसर को फुर्सत नहीं है कि वे इन स्कूलों की व्यवस्था देखें। लिहाजा निरीक्षण पंजी में टीप लिखवाने के लिए निजी स्कूल के संचालक ही पंजी लेकर जिला और ब्लाॅक दफ्तर पहुंच जाते हैं।

प्रतिबन्ध होने पर भी सरकारी शिक्षक चला रहे निजी कोचिंग सेंटर

Despite restrictions, government teachers are running private coaching centers मुरैना ! अम्बाह पोरसा नगर में सरकारी स्कूलों में पदस्थ लगभग 2 दर्जन से अधिक शिक्षक ऐसे हैं जो प्रतिबंध के बाद भी अपने घरो व हाथी गड्डा नामक जगह पर लंबे समय से निजी कोचिंग सेंटर संचालित कर रहे हैं। इसकी जानकारी शिक्षा विभाग के आला अधिकारियों को होने के बाद भी उनके द्वारा ऐसे शिक्षकों के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं की जा रही है। गौरतलब है कि जिला शिक्षा विभाग ने सरकारी स्कूलों में पदस्थ शिक्षकों के पर निजी कोचिंग सेंटर पर छात्रों को पढ़ाने पर प्रतिबंध लगा रखा है। उसके बाद भी अम्बाह वा पोरसा नगर में लगभग 2 दर्जन से अधिक ऐसे सरकारी शिक्षक हैं जो कोचिंग सेंटर संचालित कर बच्चों से हजारों रुपये ऐंठ रहे हैं। सरकारी आदेश की कर रहे हैं अवहेलना :- ट्यूशन पर कड़ा प्रतिबंध होने के बावजूद नगर में सरकारी शिक्षक बेखौफ ट्यूशन पड़ा कर सरकारी आदेश की अवहेलना कर रहे हैं। सुबह से इन कोचिंग सेंटरों पर बच्चों की भीड़ एकत्रित हो जाती है, जो दोपहर तक चलती है। इसके बाद शाम से ट्यूशन दोपहर तक चलती है। इसके बाद शाम से ट्यूशन पढ़ाने का सिलसिला फिर शुरू हो जाता है, जो देर रात तक चलता है। शिक्षक सरकारी आदेश को ठेंगा दिखाकर मोटी कमाई कर रहे हैं। इसके अलावा इन कोचिंग सेंटर के पास वाहन पार्किंग ‘की सुविधा भी नहीं है। जिला अधिकारी कार्यवाही नही करते है फोन नही उठाते है

सतर्क सक्रिय और जागरूक, नागरिक बनाने की दिशा में एक दिवसीय अभिमुखीकरण कार्यक्रम संपन्न।

One day orientation program was conducted towards making Alert, Active and Aware citizens. सीताराम कुशवाहा, सहारा समाचार विदिशा ! देश अपनाएं सहयोग फाउंडेशन द्वारा जिला शिक्षा एवं प्रशिक्षण संस्था में एक दिवसीय अभिमुखीकरण कार्यक्रम संपन्न हुआ ! जिसमें विदिशा विकासखंड के 46 हाई स्कूल एवं हाई सेकेंडरी स्कूल से शिक्षकों ने भाग लिया। फाउंडेशन के विदिशा जिले के प्रभारी अधिकारी श्री अशोक पांचाल ने बताया कि देश अपनाएं सहयोग फाउंडेशन द्वारा विदिशा जिले में विद्यार्थियों के बीच नागरिकता और लोकतांत्रिक मूल्यों को बढ़ावा देने के लिए एक्टीजन कार्यक्रम की शुरुआत की गई है। कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य विद्यार्थी अपने परिवेश के बारे में सर्तक रहें, समस्याओं और समाधान के बारे में सटीक और सही जानकारी प्राप्त करने के लिए उत्सुक और समर्थ हो तथा समुदाय के साथ व्यक्तिगत या सामूहिक रूप में समाज और देश की उन्नति में सहायता कर सकें।कार्यक्रम में मुख्य अतिथि श्री गोविंद राठी (DEO विदिशा), श्री RK ठाकुर (डाइट प्राचार्य विदिशा), RK जैन (BEO विकासखंड विदिशा), श्री चक्रेश जैन (नोडल अधिकारी विदिशा), संस्था से श्री जीतेश शेल्के, सुश्री अन्नपूर्णा तिवारी, विनीता पंवार, श्री अविनाश सोनी उपस्थित रहे।

slot server thailand super gacor

spaceman slot gacor

slot gacor 777

slot gacor

Nexus Slot Engine

bonus new member

olympus

situs slot bet 200

slot gacor

slot qris

link alternatif ceriabet

slot kamboja

slot 10 ribu

https://mediatamanews.com/

slot88 resmi

slot777

https://sandcastlefunco.com/

slot bet 100

situs judi bola

slot depo 10k

slot88

slot 777

spaceman slot pragmatic

slot bonus

slot gacor deposit pulsa

rtp slot pragmatic tertinggi hari ini

slot mahjong gacor

slot deposit 5000 tanpa potongan

mahjong

spaceman slot

https://www.deschutesjunctionpizzagrill.com/

spbo terlengkap

cmd368

368bet

roulette

ibcbet

clickbet88

clickbet88

clickbet88

bonus new member 100

slot777

https://bit.ly/m/clickbet88

https://vir.jp/clickbet88_login

https://heylink.me/daftar_clickbet88

https://lynk.id/clickbet88_slot

clickbet88

clickbet88

https://www.burgermoods.com/online-ordering/

https://www.wastenotrecycledart.com/cubes/

https://dryogipatelpi.com/contact-us/

spaceman slot gacor

ceriabet link alternatif

ceriabet rtp

ceriabet

ceriabet link alternatif

ceriabet link alternatif

ceriabet login

ceriabet login

cmd368

sicbo online live