LATEST NEWS

राजस्थान में प्रदूषण के कारण स्कूलों में छु्ट्टी, 300 के पार पहुंचा AQI; जानिए आदेश

जयपुर राजस्थान में प्रदूषण अब एक बड़ा खतरा बनता जा रहा है. राजस्थान के इतिहास में पहली बार प्रदूषण के कारण सरकार को स्कूल बंद करने का फैसला लेना पड़ा है. राजस्थान के खैरथल-तिजारा जिले में प्रदूषण का स्तर खतरनाक स्तर तक पहुंचने के कारण, जिला प्रशासन ने स्कूलों में 20 से 23 नवंबर तक छुट्टी घोषित की है. यह आदेश राजस्थान प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड द्वारा जारी दिशा-निर्देशों के बाद लिया गया है. ख़तरनाक AQI के कारण स्कूलों में अवकाश जिला कलक्टर किशोर कुमार ने आदेश जारी कर बताया कि खैरथल-तिजारा में स्थित सभी राजकीय और गैर-राजकीय विद्यालयों में 20 से 23 नवंबर तक पांचवीं कक्षा तक के बच्चों के लिए अवकाश घोषित किया गया है. उन्होंने यह भी बताया कि शिक्षकों को बच्चों की पढ़ाई में किसी भी प्रकार की बाधा न हो, इसके लिए ऑनलाइन कक्षाओं का आयोजन करना होगा. इस दौरान स्कूलों में शिक्षकों की छुट्टी नहीं होगी और वे स्कूल आकर बच्चों को ऑनलाइन पढ़ाएंगे. यह आदेश सुप्रीम कोर्ट के निर्देशों और दिल्ली-एनसीआर क्षेत्र में बढ़ते प्रदूषण के कारण लिया गया है. ग़ौरतलब है कि राजस्थान में सर्दी बढ़ने के साथ ही करीब 25 से ज्यादा जिलों में एक्यूआई ख़तरनाक स्तर पर पहुंच चुका है. यहां कि कई जिले खतरनाक स्तर पर प्रदूषित हो चुके हैं. राजस्थान प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड द्वारा जारी की गई रिपोर्ट के अनुसार, इस समय राजस्थान के कई प्रमुख जिले जैसे झुंझुनूं, भिवाड़ी, करौली और बीकानेर में वायु गुणवत्ता सूचकांक (AQI) 300 से भी ज्यादा दर्ज किया गया है. झुंझुनूं का AQI 432, बहरोड़ का 350, भिवाड़ी का 348 और अलवर का 175 तक पहुंच चुका है, जो एक गंभीर स्थिति को दर्शाता है. राजस्थान-दिल्ली में आरोप प्रत्यारोप दिल्ली के मुख्यमंत्री आतिशी ने दिल्ली के बढ़ते प्रदूषण के लिए राजस्थान को भी दोषी ठहराया था मगर राजस्थान सरकार का कहना है कि राजस्थान की आबो हवा दूसरे राज्यों की वजह से ख़राब हुई है. राजस्थान में न तो पराली जलाई जाती है और न ही इतनी फैक्ट्रियां हैं जिनकी वजह से प्रदूषण हो. इस बीच, सरकार ने लोगों से प्रदूषण को लेकर सतर्क रहने और मास्क पहनने जैसी सावधानियां बरतने की अपील की है, ताकि प्रदूषण से होने वाली समस्याओं से बचा जा सके. जानें आदेश में क्या? कलक्टर की ओर से जारी आदेश में कहा गया है कि सुप्रीम कोर्ट के निर्देश व दिल्ली-एनसीआर में एक्यूआई 450 पार जाने के बाद राजस्थान प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड ने प्रारंभिक शिक्षा निदेशक, बीकानेर को आदेश जारी किए थे। उसी के अनुसरण में खैरथल-तिजारा में स्थित सभी राजकीय और गैर राजकीय विद्यालयों में प्राथमिक कक्षाओं के लिए 20 नवंबर से 23 नवंबर तक भौतिक अवकाश घोषित किया जाता है। इस दौरान शिक्षक विद्यार्थियों के लिए ऑनलाइन क्लास संचालित करने की व्यवस्था करेंगे। यह आदेश केवल विद्यार्थियों के लिए ही लागू होगा।  

हमारा लक्ष्य विदेशी और घरेलू पर्यटक बढ़ाना है: दिया कुमारी, राजस्थान-पर्यटन ने जीते दो प्रतिष्ठित पुरस्कार

जयपुर। राजस्थान पर्यटन को कॉन्डे नेस्ट ट्रैवलर रीडर्स ट्रैवल अवार्ड्स के दौरान दो प्रतिष्ठित श्रेणियों में पुरस्कार दिया गया है। राज्य को ‘फेवरेट लीज़र डेस्टिनेशन इन इंडिया’ और ‘फेवरेट इंडियन स्टेट फॉर रोड ट्रिप्स’ पुरस्कार से नवाजा गया है। ‘फेवरेट इंडियन स्टेट फॉर रोड ट्रिप्स’ का अवार्ड राजस्थान को मिला है। जबकि फेवरेट लीज़र डेस्टिनेशन इन इंडिया’ का रनरअप अवार्ड उदयपुर को मिला है। पुरस्कार मिलने पर प्रसन्नता व्यक्त करते हुए, उपमुख्यमंत्री दिया कुमारी ने कहा कि यह हर्ष का विषय है कि राजस्थान को दो अलग-अलग श्रेणियों में प्रतिष्ठित कॉन्डे नास्ट ट्रैवलर रीडर्स ट्रैवल अवार्ड्स 2024 प्रदान किया गया है। उन्होंने कहा कि विभिन्न ट्रैवल मार्ट और प्रदर्शनियों में सक्रिय भागीदारी के माध्यम से वैश्विक स्तर पर राजस्थान पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए हमारी प्रतिबद्धता दृढ़ है। हमारा लक्ष्य राजस्थान में विदेशी और घरेलू पर्यटकों की संख्या बढ़ाना है। पर्यटन विभाग के सचिव श्री रवि जैन ने इन पुरस्कारों पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि कॉन्डे नेस्ट ट्रैवलर रीडर्स ट्रैवल अवार्ड्स हॉस्पिटैलिटी इंडस्ट्री में एक बेंचमार्क स्थापित करता है। यात्रियों द्वारा चुने गए, ये पुरस्कार दर्शाते हैं कि राजस्थान वैश्विक पर्यटन मानचित्र पर एक लोकप्रिय डेस्टिनेशन है। श्री जैन ने कहा कि राजस्थान पर्यटन को मिलने वाले पुरस्कार, प्रदेश पर्यटन के ध्येय वाक्य पधारो म्हारे देश को चरितार्थ करते हैं। देशी, विदेशी पर्यटकों ने घूमा जयपुर, जोधपुर व उदयपुर — इस साल जनवरी से लेकर सितम्बर तक जयपुर, जोधपुर व उदयपुर घूमने आने वाले घरेलु पर्यटकों की संख्या एक करोड के पार जा चुकी है। बीते आठ महीने में 16817114 देशी पर्यटक राजस्थान के इन तीन जिले में पहुंचे। वहीं इन तीनों जिलों में विदेशी सैलानियों की संख्या आठ लाख के पार पहुंची, 875940 विदेशी पावणे जयपुर, जोधपुर व उदयपुर पहुंचे। राजस्थान में पर्यटन की दृष्टि से प्रमुख जिलों जैसे जयपुर, जोधपुर व उदयपुर में घरेलू व विदेशी पर्यटकों की संख्या से अंदाजा लगाया जा सकता है कि राजस्थान पर्यटन देसी-विदेशी पर्यटकों की पहली पसंद है।  इस साल जनवरी से लेकर सितम्बर तक जयपुर जिले में 8869703 घऱेलू पर्यटक आए वही विदेशी मेहमानों की संख्या 413401 रही। जोधपुर जिले में देश से 1786619 सैलानी आए वहीं विदेशी सैलानियों की संख्या 133806 रही। उदयपुर में 6160792 देशी पर्यटकों ने घूमा वहीं यहां आने वाले विदेशी पावणों की संख्या 328733 रही। महीना    जयपुर ग्रामीण    शहर पर्यटक घरेलू    विदेशी    घरेलू    विदेशी जनवरी    243500    454    997066    70691 फरवरी    223000    431    820281    96489 मार्च    271500    345    1132417    82657 अप्रेल    923000    0    599764    39835 मई    107000    53    399499    18533 जून    13000    40    508835    11779 जुलाई    281500    36    684395    22148 अगस्त    196000    50    647472    34347 सितम्बर  202000    17    619474    35496 महीना    जोधपुर ग्रामीण    शहर पर्यटक    घरेलू    विदेशी    घरेलू    विदेशी जनवरी    12400    280    293103    23508 फरवरी    15700    438    204282    29231 मार्च    15100    465    180642    29803 अप्रेल    14350    212    102936    11389 मई    13500    107    97796    3869 जून    12700    31    101513    1803 जुलाई    29900    106    110769    6246 अगस्त    32200    194    196379    15504 सितम्बर    194600    0    158749    10620 महीना    उदयपुर शहर पर्यटक    घरेलू    विदेशी जनवरी    953343    60251 फरवरी    600301    48329 मार्च    678454    51495 अप्रेल    431603    26531 मई    547663    26205 जून    577978    24803 जुलाई    697134    26556 अगस्त    808921    31816 सितम्बर    865395    32747

48 हजार पदों पर प्रक्रियाधीन है भर्ती, राजस्थान-मुख्यमंत्री ने ली चिकित्सा विभाग की समीक्षा बैठक

जयपुर। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने कहा कि प्रदेश की जनता को सस्ती, सुलभ एवं गुणवत्तापूर्ण चिकित्सा सुविधाएं उपलब्ध कराना राज्य सरकार की प्राथमिकता है। हम अन्तिम व्यक्ति तक स्वास्थ्य सेवाओं की पहुंच सुनिश्चित करने के लिए संकल्पित हैं। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग आमजन से सीधे तौर पर जुड़ा हुआ विभाग है, इसलिए स्वास्थ्य से जुड़ी राज्य सरकार की बजटीय घोषणाओं को प्रभावी कार्ययोजना के साथ त्वरित गति से पूरा किया जाए, जिससे ‘आपणो स्वस्थ राजस्थान’ की संकल्पना साकार हो। शर्मा मुख्यमंत्री कार्यालय में चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग की समीक्षा बैठक की अध्यक्षता कर रहे थे। बैठक में चिकित्सा एवं स्वास्थ्य मंत्री श्री गजेन्द्र सिंह खींवसर भी मौजूद रहे। उन्होंने मुख्यमंत्री को जानकारी दी कि चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग में लगभग 48 हजार पदों पर भर्ती की प्रक्रिया मिशन मोड़ पर चल रही है तथा अब तक लगभग 8 हजार पदों पर नियुक्तियां दी जा चुकी हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि विभाग में खाली पड़े पदों पर आवश्यकतानुसार चरणबद्ध रूप से भर्ती की जाए तथा न्यायालय में लंबित मामलों का शीघ्र निस्तारण करवाकर नियुक्तियां दी जाए। मुख्यमंत्री ने कहा कि छोटे शहरों और कस्बों में गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने के लिए राज्य सरकार ने प्रदेशभर में आयुष्मान मॉडल सीएचसी बनाने का निर्णय लिया है। इससे न केवल निचले स्तर पर बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध होंगी बल्कि बड़े अस्पतालों पर भार भी कम होगा। उन्होंने अधिकारियों को इन मॉडल सीएचसी का काम जल्द पूरा करने के निर्देश दिए। मुख्यमंत्री आयुष्मान आरोग्य योजना का करें व्यापक प्रचार-प्रसार — मुख्यमंत्री ने कहा कि मुख्यमंत्री आयुष्मान आरोग्य योजना के तहत आमजन को निःशुल्क इलाज उपलब्ध करवाया जा रहा है। हमने इस योजना के तहत पीडियाट्रिक पैकिज शामिल करने, कुछ पैकेज की दरों को तर्कसंगत बनाने तथा पोर्टिबिलिटी सुविधाओं को शामिल करने का निर्णय लिया है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि योजना में जो नए प्रावधान जोड़े गए हैं, उनका व्यापक प्रचार-प्रसार किया जाए। उन्होंने अधिकारियों को मुख्यमंत्री आयुष्मान आरोग्य हेल्थ इन्फ्रास्ट्रक्चर मिशन के तहत चिकित्सा के आधारभूत ढ़ांचे को मजबूत करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि प्रदेश में संचालित सभी आयुष्मान आरोग्य मन्दिरों में प्रमुख 12 सेवाएं मिलना सुनिश्चित किया जाए। श्री शर्मा ने कहा कि राजस्थान डिजीटल हैल्थ मिशन के तहत प्रदेशवासियों का स्वास्थ्य रेकार्ड डिजिटल रूप से संधारित करने के लिए अभियान चलाकर प्रदेश के हर व्यक्ति की आभा आई डी बनाई जाए। मिलावटखोरों पर हो सख्त कार्रवाई — मुख्यमंत्री ने चिकित्सा विभाग द्वारा संचालित ‘शुद्ध आहार, मिलावट पर वार’ अभियान की समीक्षा करते हुए कहा कि मिलावटखोरों द्वारा राज्य की जनता के स्वास्थ्य के साथ खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने अधिकारियों से अभियान में तेजी लाते हुए मिलावटखोरों पर सख्त कार्रवाई करने के निर्देश दिए। श्री शर्मा ने कहा कि चिकित्सा विभाग के अधीन संचालित राजस्थान मेडिकल कॉन्सिल, पैरा मैडिकल कॉन्सिल सहित अन्य सभी संस्थाओं के कामकाज की नियमित समीक्षा की जाए तथा किसी भी तरह की अनियमितता पाई जाने पर उचित कार्रवाई की जाए। उन्होंने व्यवस्थाओं में सुधार के लिए तकनीकी नवाचार अपनाने पर भी जोर दिया। स्वास्थ्य के कई मानकों में राजस्थान देश में बेहतर — बैठक में प्रमुख शासन सचिव चिकित्सा एवं स्वास्थ्य श्रीमती गायत्री ए. राठौड़ ने चिकित्सा विभाग की योजनाओं, कार्यक्रमों एवं नवाचारों की प्रस्तुतिकरण के माध्यम से जानकारी दी। उन्होंने बताया कि स्वास्थ्य के कई मानकों में राजस्थान राष्ट्रीय औसत एवं कई बड़े राज्यों की तुलना में बेहतर स्थिति में है। राज्य में शिशु एवं मातृ मृत्यु दर में विभाग के प्रयासों से उल्लेखनीय गिरावट आई है। संस्थागत प्रसव के मामले में राजस्थान देश में अग्रणी है। राष्ट्रीय सिकल सैल एनीमिया उन्मूलन मिशन के तहत स्क्रीनिंग में राजस्थान देश में प्रथम स्थान पर है। निःशुल्क दवा योजना में भी दवाओं एवं सूचर्स की संख्या में वृद्धि की गई है। बैठक में केन्द्र एवं राज्य सरकार की योजनाओं के बेहतर क्रियान्वयन, अस्पतालों की नियमित मॉनिटरिंग, मौसमी बीमारियों की रोकथाम सहित कई विषयों पर चर्चा की गई। इस दौरान मुख्य सचिव श्री सुधांश पंत, अतिरिक्त मुख्य सचिव (मुख्यमंत्री) श्री शिखर अग्रवाल, अतिरिक्त मुख्य सचिव वित्त श्री अखिल अरोड़ा, प्रमुख सचिव (मुख्यमंत्री) श्री आलोक गुप्ता, शासन सचिव चिकित्सा शिक्षा श्री अम्बरीश कुमार, मिशन निदेशक एनएचएम डॉ. भारती दीक्षित, सीईओ स्टेट हेल्थ एश्योरेंस ऐजेंसी श्रीमती प्रियंका गोस्वामी, प्रबंध निदेशक आरएमएससी श्रीमती नेहा गिरी, आयुक्त चिकित्सा शिक्षा श्री इकबाल खान, निदेशक आईईसी श्री शाहीन अली खान, निदेशक जन स्वास्थ्य डॉ. रवि प्रकाश माथुर, सहित वरिष्ठ अधिकारीगण मौजूद रहे।

लाख से बनी चूड़ियां और सामग्री बनीं आकर्षण, राजस्थान-प्रगति मैदान में सजा 43वां भारतीय अंतर्राष्ट्रीय व्यापार मेला

जयपुर। नई दिल्ली के प्रगति मैदान में चल रहे अन्तर्राष्ट्रीय व्यापार मेला के राजस्थान पवेलियन में लाख की चूडियों एवं लाख से बनी अन्य वस्तुएं दर्शकों विशेषकर महिलाओं को अपनी और खूब आकर्षित कर रही है। राजस्थान मंडप के स्टॅाल न. 3 व 6 में जयपुर से आए लाख के कारीगर श्री इस्लाम अहमद ने बताया कि भारतीय संस्कृति में लाख को बहुत ही शुभ माना जाता है, विशेषतौर पर भारतीय नारियों में इसे सुहाग का प्रतीक माना जाता है। लाख से बनी चूडीयां पहनकर स्त्रियां अपने पति की लम्बी आयु की कामना करती हैं। वे बताते हैं कि लाख हमारे जीवन में महत्वपूर्ण स्थान रखती है। शादी या विवाह का अवसर हो या मकान की नींव भरने का समय, बच्चे के जन्म का मौका हो या सगाई इत्यादि के अवसर पर लाख की चूडीयां, दुल्हन को सुहाग के प्रतीक के रूप में पहनना अनिवार्य समझा जाता है। शादी तथा तीज त्यौहारों, होली, दिवाली व अनेक खुशी के अवसरों पर लाख की चुड़ियों का तथा लाख की अन्य वस्तुओं का आदान- प्रदान किया जाता है। लाख को सोने के जेवरों में भी भरा जाता है। श्री अहमद ने बताया कि मेरे वालिद के पिता ने ही भारत सरकार द्वारा स्थापित निर्यात केन्द्रों एवं रिटेल शाप्स पर सर्वप्रथम लाख का सामान बनाकर दिया था। उन केन्द्रों के माध्यम से पूरे भारत वर्ष के सरकारी रिटेल कांउटरों तथा विदेशों में लाख से निर्मित वस्तुएं भेजी गई। उन्होंने बताया कि विश्व के कई राष्ट्राध्यक्षों को उनके जयपुर आगमन पर इनके परिवार की ओर से लाख निर्मित वस्तुएं भेंट की गई। उन्होंने बताया कि उनके वालिद लाख से पैन और फैन्सी आइटम बनाने का कार्य करते रहे। हाथ में पहनने वाले लाख के मोटे कड़े पर ”डासिंग पीकाक” तथा ”मछली” का काम एक नायाब कारीगरी है जो कि उन्होंने स्वयं तैयार की है। उन्होंने बताया कि आज लाख कला सामाजिक जीवन का महत्वपूर्ण अंग है। फिर चाहे लाख की चूडीयां हों या सजावटी या दैनिक उपयोग की वस्तु सभी में यह प्रयोग किया जाता है। इनमें अगरबत्ती स्टेण्ड,हाथी घोड़ा, ऊंट, एस्टरे, चाबी के छल्ले, फोटो फ्रेम, शीशा, ज्वैलरी बाक्स फ्रुट प्ले, टेबल डायरी, ग्लास इत्यादि चीजें ही क्यों न हो, लाख कला जगत को ये सब वस्तुएं उन्हीं के परिवार की देन हैं।

पिता के ढाबे में ग्राहक बनकर पहुंची पुलिस, राजस्थान-जोधपुर से रीट पेपर लीक की आरोपी इमरती गिरफ्तार

जोधपुर. जोधपुर रेंज की स्पेशल साइक्लोनर टीम ने 2021 के बहुचर्चित रीट पेपर लीक घोटाले में तीन साल से फरार चल रही इमरती बिश्नोई को गिरफ्तार कर लिया है। इमरती अपने पिता के ढाबे पर छिपकर रह रही थी। पुलिस के लिए ये एक बड़ी गिरफ्तारी है, क्योंकि इमरती तीन बार पुलिस को चकमा देकर भाग चुकी है। उस पर 25 हजार का इनाम भी घोषित किया जा चुका है। इमरती को पकड़ने के लिए पुलिस ने इस बार बड़ी चालाकी से काम लिया। इस बार पुलिस ने दो-दो सदस्यीय टीमों को ग्राहक बनाकर ढाबे पर भेजा। ढाबे के पीछे रहने के लिए इमरती ने एक छिपा हुआ ठिकाना बना रखा था। टीम ने योजनाबद्ध तरीके से मौके पर पहुंचकर इमरती को दबोच लिया। जोधपुर रेंज आईजी विकास कुमार ने बताया कि उमरलाई निवासी इमरती बिश्नोई के खिलाफ 2021 की रीट परीक्षा के दौरान फर्जीवाड़े का मामला दर्ज हुआ था। मौके से पुलिस ने उसके दस्तावेज और परीक्षा प्रवेश पत्र बरामद किए थे, जिसमें कंप्यूटर की मदद से छेड़छाड़ की गई थी। जांच में सामने आया कि इमरती से पहले परीक्षा में फर्जी अभ्यर्थी बैठाने का ठेका छमी बिश्नोई ने लिया था। छमी को पुलिस ने तीन महीने पहले वृंदावन से गिरफ्तार किया था। इस मामले में पूर्व में संगीता, किरण और भंवरी सहित कई अन्य आरोपियों को भी पुलिस ने पकड़ा था। पुलिस इमरती बिश्नोई से पूछताछ कर रही है। उम्मीद है कि इससे रीट पेपर लीक घोटाले के अन्य पहलुओं पर प्रकाश पड़ेगा और इस नेटवर्क से जुड़े अन्य दोषियों को भी गिरफ्तार किया जा सकेगा।

राजनीतिक रूप से हैं अहम, राजस्थान-सरकार लेगी उपचुनाव नतीजों के बाद चार बडे़ फैसले

जयपुर. राजस्थान की भाजपा सरकार विधानसभा चुनावों के नतीजों के बाद कुछ बड़े फैसले ले सकती है। इनमें सबसे संवेदनशील निर्णय एसआई भर्ती परीक्षा को लेकर लेना होगा। हालांकि हाईकोर्ट ने एक दिन पहले ही भर्ती परीक्षा को लेकर बड़ा निर्णय दिया है। जिसमें कोर्ट ने इस भर्ती परीक्षा में ट्रेनीज की पॉसिंग आउट परेड और फील्ड पोस्टिंग पर स्टे लगा दिया है। दूसरा, पिछली सरकार के समय बने नए जिले और तीसरा पिछली सरकार के कार्यकाल के अंतिम समय में हुए फैसले। इनके साथ ही प्रदेश में वन स्टेट वन इलेक्शन के मामले में भी तस्वीर साफ होने की उम्मीद की जा रही है। राज्य सरकार ने उपरोक्त तीनों फैसलों के लिए मंत्रियों की कमेटियां गठित की हुई है। ये कमेटियां अपना काम लगभग पूरा भी कर चुकी हैं। एसआई भर्ती परीक्षा को लेकर को कमेटी की रिपोर्ट मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा तक पहुंच भी चुकी है। माना जा रहा है कि अगले कुछ दिनों में इन तीनों ही मामलों पर सरकार का फैसला सामने आ जाएगा। इस बीच सरकार के गठन के एक वर्ष के कार्यक्रम भी शुरू होने हैं और राइजिंग राजस्थान इन्वेस्टमेंट समिट भी होनी है। ऐसे में कुछ फैसले इन दो बडे़ आयोजनों से पहले और कुछ बाद में आ सकते हैं। एसआई भर्ती परीक्षा एसआई भर्ती परीक्षा रद्द की जानी या नहीं, इस मामले में विधि मंत्री जोगाराम पटेल की अध्यक्षता में गठित मंत्रियों की कमेटी का काम पूरा हो चुका है और सूत्रों की मानें तो कमेटी अपनी रिपोर्ट सीएम भजनलाल शर्मा को सौंप भी चुकी है। फैसला सीएम के स्तर पर ही होना है। माना जा रहा है कि इस रिपोर्ट पर कैबिनेट की आगामी बैठक में चर्चा हो सकती है और यह फैसला कभी भी सामने आ सकता है। इस मामले में सरकर की दुविधा यही है कि परीक्षा रद्द की जाती है तो चयनित अभ्यर्थी कोर्ट का रूख करेंगे। वहीं रद्द नहीं किए जाने की स्थिति में बड़ी संख्या में युवाओं और सरकार के मंत्री किरोड़ीलाल मीणा की नाराजगी सामने आ सकती है। नए जिलों पर फैसला पिछली सरकार के समय बनाए गए 17 नये जिलों के भविष्य को लेकर शिक्षा मंत्री मदन दिलावर की अध्यक्षता में गठित मंत्रियों की समिति भी अपना काम लगभग पूरा कर चुकी है। बताया जा रहा है कि पांच छोटे जिलों को फिर से पुराने जिलों में मर्ज किया जा सकता है। इस बारे में सरकार को 31 दिसंबर तक हर हाल में अपना फैसला करना है, क्योंकि इस के बाद जनगणना कार्य के लिए जिलों की सीमाएं सील कर दी जाएंगी। माना जा रहा है कि चूंकि इस फैसले का कुछ विरोध सामने आ सकता है, इसलिए सरकार की पहली वर्षगांठ के आयोजन पूरे होने के बाद इस बारे में फैसला सार्वजनिक किया जा सकता है। पिछली सरकार के फैसलों को निरस्त करना पिछली सरकार के कार्यकाल के अंतिम समय में किए गए फैसलों की समीक्षा के लिए चिकित्सा मंत्री गजेन्द्र सिह खींवसर की अध्यक्षता में गठित समिति का काम भी लगभग पूरा हो चुका है। समिति जल्द ही अपनी रिपोर्ट सरकार को सौंपेगी। समिति ने पिछली सरकार के समय हुए भूमि आवंटनों सहित कई फैसलों को देखा है। सामाजिक संस्थाओं को छोड़ कर भूमि आवंटन से ज्यादातर मामलों पर सरकार की गाज गिर सकती है। वन स्टेट वन इलेक्शन निकाय चुनावों से पहले वन स्टेट वन इलेक्शन को लेकर भी राज्य सरकार को फैसला करना है, हालांकि इस फैसले के लिए अभी सरकार के पास कुछ समय रहेगा। प्रदेश की जिन 49 निकायों का कार्यकाल इस माह पूरा हो रहा है उनमें प्रशासक लगना लगभग तय है, क्योंकि अब चुनाव का समय ही नहीं बचा है। वहीं, जनवरी में छह हजार से ज्यादा पंचायतों का कार्यकाल भी समाप्त हो जाएगा। माना जा रहा है कि इनमें भी सरकार प्रशासक लगा कर इसके बाद इस वन स्टेट वन इलेक्शन पर फैसला कर सकती है।

वास्तु संस्कृति के संरक्षण में सबकी भागीदारी, राजस्थान-जयपुर के स्थापना दिवस पर राज्यपाल ने दी बधाई

जयपुर। राज्यपाल श्री हरिभाऊ बागडे ने विश्व के सबसे सुनियोजित रूप में बसाए गए जयपुर शहर के स्थापना दिवस की बधाई और शुभकामनाएं दी है। राज्यपाल ने कहा कि जयपुर विश्वभर में भारतीय वास्तु संस्कृति का अनुपम उदाहरण है। उन्होंने कहा कि नगर-नियोजन के पुरोधा विद्याधर भट्टाचार्य ने विश्व विरासत में सम्मिलित जयपुर जैसा सुव्यवस्थित और आधुनिक नगर बसाया था। राज्यपाल ने स्थापना दिवस पर शहर की वास्तु संस्कृति और सौंदर्य के साथ स्वच्छता के लिए सभी की भागीदारी का आह्वान किया है। वहीं, नई दिल्ली के प्रगति मैदान में आयोजित 14 दिवसीय भारतीय अंतर्राष्ट्रीय व्यापार मेला में सोमवार को राजस्थान दिवस समारोह का आयोजन किया जाएगा। जिसमें राजस्थान के विभिन्न अंचलों से आए लोक कलाकारों द्वारा सांस्कृतिक संध्या में प्रसिद्ध लोकनृत्यों और गायन की प्रस्तुति दी जाएगी। यह सांस्कृतिक संध्या प्रगति मैदान के हॉल न. 5 के सामने स्थित एमफी थियेटर में सांय 6 बजे से आयोजित की जाएगी। लगभग 2 घंटे चलने वाली इस संध्या में जहां एक ओर जयपुर से आए लोक कलाकारों द्वारा चरी नृत्य और भवई नृत्यों का प्रदर्शन किया जाएगा वहीं दूसरी ओर बाड़मेर और भरतपुर से आए कलाकारों द्वारा क्रमशः खड़ताल और भपंग का वादन किया जाएगा। इसी प्रकार पाली से आए लोक कलाकारों द्वारा तेरहताल नृत्य और जोधपुर से आए कलाकारों द्वारा कालबेलिया नृत्यों की प्रस्तुति दी जाएगी। घूमर नृत्य की प्रस्तुति दिल्ली के कलाकारों द्वारा दी जाएगी। उल्लेखनीय है कि 14 नवम्बर से प्रारंभ हुए भारतीय अंतर्राष्ट्रीय व्यापार मेला में राजस्थान मंडप का शुभारंभ प्रदेश के मुख्य सचिव श्री सुधांश पंत द्वारा किया गया था।

टोक्यो में मंदिर दर्शन और स्नेह मिलन, राजस्थान-विधानसभा अध्यक्ष देवनानी पहुंचे जापान

जयपुर। राजस्थान विधान सभा अध्यक्ष श्री वासुदेव देवनानी रविवार को जापान पहुंचे। श्री देवनानी ने जापान के टोक्यो में दिन की शुरुआत मंदिर में दर्शन कर पूजा अर्चना करके की । इस्कॉन मंदिर में आयोजित प्रातः कालीन भजन कार्यक्रम हरे रामा हरे कृष्णा में श्री देवनानी शामिल हुए। श्री देवनानी ने मंदिर में मौजूद प्रवासी भारतीयों से सनातन परंपरा पर चर्चा की। उन्होंने कहा कि जीवन में आगे बढ़ने के लिए शिक्षा आवश्यक है। साथ ही संस्कारवान होना भी जरूरी है ताकि हम बेहतर इंसान बन सके और दुनियाभर में इंसानियत के व्यवहार का प्रसार कर सके। श्री देवनानी के सम्मान में टोक्यो में हिंदू स्वयं सेवक संघ ने स्नेह मिलन का आयोजन किया। श्री देवनानी ने युवाओं का आव्हान किया कि भविष्य की चुनौतियों से मुकाबला करने के लिए स्वयं को तैयार करना होगा। उन्होंने कहा कि युवा पीढ़ी को विश्व बंधुत्व की भावनाओं के अनुरूप मानवता, सहिष्णुता, धैर्य जैसे गुणों  का जीवन में समावेश करना होगा। श्री देवनानी ने कहा की विश्व बंधुत्व आवश्यक है। समग्र चेतना का जागरण आज की आवश्यकता है। भारतीय संस्कृति को कोई समाप्त नहीं कर सकता है। युवाओं को भारतीय संस्कृति और संस्कारों से जुड़े रहने के लिए सतत प्रयास करने होंगे। हमारे आदर्श, हमारे महापुरुष और हमारी महान संस्कृति हमें सुदृढ़ बनाती है। मानवीय मूल्यों के आचरण से व्यक्ति का कद ऊंचा होता है। श्री देवनानी ऑस्ट्रेलिया में आयोजित राष्ट्र मण्डल संसदीय संघ के 67  वें सम्मेलन में राजस्थान का प्रतिनिधित्व कर रहें हैं। श्री देवनानी ऑस्ट्रेलिया में सम्मेलन में भाग लेने के बाद राष्ट्र मण्डल संसदीय संघ के पोस्ट कॉन्फ्रेस स्टडी ट्यूर के तहत इण्डोनेशिया, सिंगापुर के बाद जापान की यात्रा पर है। इस अध्ययन यात्रा के दौरान श्री देवनानी इन देशों में भारत के राजदूतों से मुलाकात करने के साथ विधायी निकायों का अवलोकन भी कर रहे हैं। संसदीय प्रतिनिधियों से लोकतांत्रिक मूल्यों के सुदृढीकरण से संबंधित विभिन्न विषयों पर विचार विमर्श कर रहे हैं । श्री देवनानी राष्ट्रमंडल संसदीय संघ की भारत क्षेत्र की कार्यकारी समिति के सदस्य भी है। श्री देवनानी विभिन्न देशों के विधान मण्डलों के प्रतिनिधि मण्डलों को राजस्थान विधान सभा में किये गए नवाचारों की जानकारी दे रहे हैं। राजस्थान विधानसभा अध्यक्ष श्री देवनानी इस विदेश यात्रा के दौरान ऑस्ट्रेलिया, इंडोनेशिया, सिंगापुर और जापान में रहने वाले प्रवासी राजस्थानियों, शिक्षाविदों, विभिन्न सामाजिक संगठनों और सिंधी समाज के प्रबुद्धजन से भी मुलाकात कर रहे हैं। श्री देवनानी ने जापान में टोक्यो स्थित सेंशसूजी टेंपल,ओरेवा में स्टेच्यू ऑफ़ लिबर्टी, रेनबो ब्रिज, टोक्यो टावर और टोक्यो स्काईट्री का अवलोकन किया। श्री देवनानी ने वहां की तकनीक का भी अध्ययन किया।

युवा-किसा-मजदूर कल्याण में हैं प्रतिबद्ध, राजस्थान-मुख्यमंत्री ने की सरकार की पहली वर्षगांठ के कार्यक्रमों की समीक्षा

जयपुर। मुख्यमंत्री श्री भजनलाल शर्मा ने कहा कि राज्य सरकार युवाओं, किसानों, महिलाओं व मजदूरों के कल्याण के लिए प्रतिबद्ध है। इसी कड़ी में राज्य सरकार अपनी पहली वर्षगांठ के अवसर पर प्रदेश में विभिन्न विकास कार्यों का शिलान्यास एवं लोकार्पण के साथ ही युवाओं, किसानों, महिलाओं व श्रमिकों को विशेष सौगातें देने जा रही है। राज्य स्तर से लेकर ग्राम पंचायत स्तर तक आयोजित होने वाले इन कार्यक्रमों एवं राइजिंग राजस्थान ग्लोबल इन्वेस्टमेंट समिट के सफल आयोजन के लिए सभी विभाग तैयारियों में तेजी लाएं एवं आपसी समन्वय के साथ कार्य करें। शर्मा मुख्यमंत्री निवास पर विभिन्न विभागों के उच्च स्तरीय अधिकारियों के साथ आयोजित समीक्षा बैठक को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने निर्देश दिए कि सभी विभाग तय समय पर अपने विभाग से संबंधित गतिविधियों की बिन्दुवार समीक्षा करें एवं नियमित रूप से उनकी मॉनिटरिंग करते हुए तैयारियों को अंतिम रूप दें। सचिव अपने प्रभार वाले जिलों के एमओयू की करें मॉनिटरिंग बैठक में मुख्यमंत्री श्री शर्मा ने कहा कि राइजिंग राजस्थान ग्लोबल इन्वेस्टमेंट समिट के तहत विभिन्न विभागों एवं जिला स्तर पर आयोजित की जा रही प्री-समिट में होने वाले एमओयू को धरातल पर लागू किया जाए। उन्होंने निर्देश दिए कि सभी प्रभारी सचिव अपने विभाग एवं अपने प्रभार वाले जिलों में किए गए एमओयू की मॉनिटरिंग करें। रोजगार उत्सव की तैयारियों को दें अंतिम रूप श्री शर्मा ने कहा कि राज्य सरकार वर्षगांठ के अवसर पर प्रदेश के युवाओं को रोजगार उत्सव के तहत करीब 30 हजार युवाओं को नियुक्तियां देने और 70 हजार से अधिक नई भर्तियों की सौगात देने जा रही है। उन्होंने संबंधित विभागों को विज्ञप्ति जारी करने संबंधी कार्यों में गति लाने के निर्देश दिए। साथ ही, उन्होंने इस दौरान दी जाने वाली नियुक्तियों की स्थिति को लेकर भी समीक्षा की। मुख्यमंत्री ने कहा कि इस अवसर पर बिजनेस इनोवेशन प्रोग्राम, अटल एंटरप्रिन्योरशिप प्रोग्राम, आई-स्टार्ट के अंतर्गत लीप (लर्न एण्ड प्रोग्रेस) प्रोग्राम, टीओपी (टारगेट ओलंपिक पोडियम) योजना एवं स्पोर्ट्स लाइफ इंश्योरेंस स्कीम का भी शुभारंभ किया जाएगा। उन्होंने संबंधित विभागों से इस संबंध में प्रगति की जानकारी ली। श्री शर्मा ने कहा कि राज्य सरकार द्वारा प्रत्येक जिले में एक उपज, एक वानस्पतिक प्रजाति, एक उत्पाद, एक पर्यटन स्थल एवं एक खेल पर विशेष रूप से फोकस करते हुए पंच-गौरव कार्यक्रम प्रारम्भ किया जा रहा है। प्रभारी सचिव अपने प्रभार वाले जिलों के लिए इन श्रेणियों में चिन्हित तत्वों के संबंध में भी कार्यवाही करें। महिलाओं और श्रमिकों को मिलेगा आर्थिक सम्बल मुख्यमंत्री ने प्रदेश में महिला सशक्तिकरण की दिशा में किए जा रहे प्रयासों के तहत 1 लाख महिलाओं को लखपति दीदी बनाने, 10 हजार स्वयं सहायता समूहों को रिवॉल्विंग फंड और कम्यूनिटी इन्वेस्टमेंट फंड से आर्थिक सहायता देने, 45 लाख स्वयं सहायता समूह सदस्यों को आर्थिक सम्बल देने के क्रम में राजसखी पोर्टल की शुरूआत करने, मुख्यमंत्री अमृत आहार योजना का शुभारंभ करने, लाड़ो प्रोत्साहन योजना अंतर्गत प्रथम किश्त का हस्तांतरण सहित विभिन्न योजनाओं की तैयारियों को लेकर समीक्षा की। साथ ही, उन्होंने श्रमिक कल्याण की दिशा में भवन एवं अन्य संनिर्माण से जुड़े 1.5 लाख श्रमिकों को 150 करोड़ रुपये की राशि हस्तांतरण, स्कूटी वितरण, निःशक्तजनों को सहायक सामग्री व सहायता उपकरण उपलब्ध कराने संबंधी कार्यक्रमों की भी जानकारी ली। 25 हजार करोड़ से अधिक के विकास कार्यों का लोकार्पण एवं शिलान्यास बैठक में श्री शर्मा ने कहा कि राज्य सरकार किसान कल्याण के लिए प्रतिबद्ध है। इस सरकार के 1 साल पूरा होने के उपलक्ष पर किसानों को मुख्यमंत्री किसान सम्मान निधि की दूसरी किस्त के साथ ही राजस्थान एग्रीकल्चर इंफ्रास्ट्रक्चर मिशन के अंतर्गत 5 हजार 500 फार्मपौण्ड के लिए डीबीटी हस्तांतरण सहित अन्य अनुदान सहायता प्रदान की जाएगी। उन्होंने इस संबंध में प्रगति की जानकारी लेते हुए अधिकारियों को आवश्यक निर्देश प्रदान किए। उन्होंने इस दौरान पशुपालकों के लिए गोपाल क्रेडिट कार्ड वितरण, नए डेयरी बूथों का आवंटन, 200 नए बल्क मिल्क कूलर्स की स्थापना और एक हजार नए दूध संकलन केन्द्रों का उद्घाटन की तैयारी के संबंध में भी समीक्षा की। इस दौरान मुख्यमंत्री ने प्रदेश में 25 हजार करोड़ से अधिक की लागत के विभिन्न विकास कार्यों के लोकार्पण एवं शिलान्यास कार्यक्रमों की भी समीक्षा की। बैठक में अतिरिक्त मुख्य सचिव जल संसाधन श्री अभय कुमार, अतिरिक्त मुख्य सचिव वित्त श्री अखिल अरोरा, अतिरिक्त मुख्य सचिव वन एवं पर्यावरण श्रीमती अपर्णा अरोरा, अतिरिक्त मुख्य सचिव (मुख्यमंत्री) श्री शिखर अग्रवाल, अतिरिक्त मुख्य सचिव ग्रामीण विकास श्रीमती श्रेया गुहा, अतिरिक्त मुख्य सचिव गृह श्री आनंद कुमार, प्रमुख सचिव (मुख्यमंत्री) श्री आलोक गुप्ता एवं पुलिस महानिदेशक श्री उत्कल रंजन साहू सहित विभिन्न विभागों के प्रमुख शासन सचिव, शासन सचिव एवं अन्य उच्चाधिकारी उपस्थित रहे।

गोविंद गुरू के साथ आदिवासी वीरों ने अंग्रेजों की गुलामी से लड़ा, राजस्थान-बांसवाड़ा पहुंचे मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा

जयपुर। मुख्यमंत्री श्री भजनलाल शर्मा ने कहा कि राज्य सरकार वागड़ क्षेत्र के विकास के लिए कृतसंकल्पित है। हमारी सरकार हमेशा जनजातीय समाज की प्रगति एवं गौरव को बढ़ाने का काम करती रहेगी। उन्होंने कहा कि जनजातीय वर्ग के उत्थान में प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी के कार्यकाल में जितने काम हुए हैं, उतने काम कभी नहीं हुए। श्री शर्मा शुक्रवार को जनजातीय गौरव दिवस के अवसर पर बांसवाड़ा जिले के गोविन्द गुरू महाविद्यालय मैदान में आयोजित नवादि युगधारा प्रणेता समागम कार्यक्रम को सम्बोधित कर रहे थे। उन्होंने कहा कि भगवान बिरसा मुंडा की 150वीं जयंती के अवसर पर जनजातीय गौरव दिवस मना रहे हैं। भगवान बिरसा मुंडा ने अपना जीवन भारत के स्वतंत्रता संग्राम, विरासत और संस्कृति को समर्पित कर दिया था। स्वतंत्रता संग्राम और राष्ट्र निर्माण में योगदान मुख्यमंत्री ने कहा कि जनजातीय गौरव दिवस देशवासियों के लिए भारत के स्वतंत्रता संग्राम और राष्ट्र निर्माण में आदिवासी समुदायों के योगदान को स्मरण करने का अवसर है। उन्होंने कहा कि राजस्थान के आदिवासी वीर योद्धा महाराणा प्रताप के साथ कंधे से कंधा मिलाकर लड़े और अपनी जन्म-भूमि के गौरव के लिए मर-मिटे थे। वागड़ अंचल में गोविंद गुरु के नेतृत्व में आदिवासी वीरों ने अंग्रेजों की गुलामी से लड़ने का काम किया। वागड़ की धरती पर मानगढ़ धाम 1500 से अधिक आदिवासी वीरों के बलिदान का साक्षी है। करोड़ों आदिवासी परिवारों का जीवन हुआ आसान श्री शर्मा ने कहा कि प्रधानमंत्री जी की जनकल्याणकारी योजनाओं से देश के करोड़ों आदिवासी परिवारों का जीवन आसान हुआ है। प्रधानमंत्री जी ने पीएम-जनजाति आदिवासी न्याय महाअभियान- जनमन की शुरूआत की है। धरती आबा जनजातीय ग्राम उत्कर्ष अभियान से देशभर में 63 हजार आदिवासी गांवों में 5 करोड़ से अधिक लोगों को लाभान्वित किया जा रहा है। इसके अन्तर्गत राज्य के 40 जिलों के 208 पंचायत समितियों के 6019 गांवों में सामाजिक, आर्थिक एवं आधारभूत विकास कार्य करवाकर इन गांवों को विकसित किया जाएगा। प्रदेश में आदिवासी क्षेत्र का विकास हो रहा सुनिश्चित मुख्यमंत्री ने कहा कि डूंगरपुर में डूंगर बरंडा और बांसवाड़ा में बांसिया चारपोटा जनजातीय नायकों के स्मारकों का निर्माण, उदयपुर में वीर बालिका कालीबाई संग्रहालय का निर्माण करेंगे। अनुसूचित जनजाति के विकास के लिए टीएसपी फंड की राशि 1 हजार करोड़ से बढ़ाकर एक हजार 500 करोड़ रुपये कर दी है। खेल अकादमियों में छात्र-छात्राओं की मेस भत्ता राशि को बढ़ाकर 4 हजार रूपये प्रतिमाह किया है। उन्होंने कहा कि शाहबाद-बारां में सहरिया जनजाति के लिए तीरंदाजी व एथलेटिक्स खेल अकादमी की स्थापना करेंगे। साथ ही, 7 नवीन आश्रम छात्रावास, 1 नवीन खेल अकादमी, 3 नवीन आवासीय विद्यालय एवं 250 नवीन मां-बाडी केन्द्र स्वीकृत किये हैं। गोविन्द गुरू जनजातीय क्षेत्रीय विकास योजना का शुभारंभ श्री शर्मा ने कहा कि वनाधिकार अधिनियम के तहत वन क्षेत्रों में निवास करने वाले आदिवासियों व परम्परागत वन निवासियों के कल्याण के लिए गोविन्द गुरू जनजातीय क्षेत्रीय विकास योजना की घोषणा की गई थी, जिसका शुभारंभ आज किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि 15 नवम्बर से 26 नवम्बर तक प्रदेश में जनजातीय गौरव दिवस पखवाड़ा मनाया जा रहा है। वागड़ क्षेत्र के युवाओं को मिलेगा रोजगार मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार वागड़ क्षेत्र के विकास के लिए प्रतिबद्ध है। यहां रेलवे, हाईवे, विद्यालय जैसे कार्यों से विकास को बढ़ाया जा रहा है। महाराणा प्रताप सर्किट एवं धार्मिक सर्किट भी बना रहे हैं। उन्होंने कहा कि सीतामाता अभयारण्य, त्रिपुरा सुंदरी, बेणेश्वर धाम और मानगढ़ धाम को जोड़ते हुए पर्यटन सर्किट बनाने एवं इस क्षेत्र को औद्योगिक रूप से बढ़ावा देकर यहां के युवाओं को रोजगार देने का काम हमारी सरकारी करेगी। श्री शर्मा ने समारोह में दो राजसखियों को 114 करोड़ रुपये का चैक प्रदान किया। उन्होंने आदिवासी जनजातीय क्षेत्र में उन्नत किसान, महिला उद्यमी, शिक्षा, खेल, कला एवं संस्कृति के क्षेत्र में उपलब्धि हासिल करने वाली पांच-पांच प्रतिभाओं सहित नवाचार करने वाले दो व्यक्तियों को पुरस्कार से सम्मानित किया। उन्होंने मेला मैदान में लगाई स्टॉल्स एवं प्रदर्शनी का अवलोकन भी किया। मुख्यमंत्री को आदिवासी अंचल की पहचान मांडना चित्र और तीर कमान भेंट किया गया। श्री शर्मा ने इस अवसर पर गोविन्द गुरू जनजातीय क्षेत्रीय विकास योजना की पुस्तिका का भी विमोचन किया। इससे पहले मुख्यमंत्री एवं बड़ी संख्या में मौजूद आमजन ने जनजातीय गौरव दिवस पर बिहार के जमुई में आयोजित कार्यक्रम में प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के सम्बोधन को सुना। कार्यक्रम में जनजाति क्षेत्रीय विकास मंत्री श्री बाबूलाल खराड़ी, विधायक कैलाशचन्द्र मीणा एवं श्री शंकरलाल डेचा, सचिव जनजाति क्षेत्रीय विकास श्री भानू प्रकाश एटूरू सहित बड़ी संख्या में आदिवासी अंचल के आमजन मौजूद रहे।

प्रधानमंत्री ने किया जनजातीय ग्राम उत्कर्ष अभियान का शुभारंभ, राजस्थान-मंत्री जोराराम ने आवास लाभार्थियों को सौंपी चाबियां

जयपुर। भगवान बिरसा मुंडा की 150वीं जयंती के अवसर पर प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी ने शुक्रवार को बिहार के जमुई से धरती आबा जनजातीय ग्राम उत्कर्ष अभियान का शुभारंभ किया। इस विशेष अवसर पर प्रधानमंत्री ने भगवान बिरसा मुंडा को श्रद्धांजलि अर्पित की और उनके नाम पर एक डाक टिकट और विशेष स्मारक सिक्का भी जारी किया। इस मौके पर प्रधानमंत्री ने लगभग 6600 करोड़ रुपये से अधिक की कई विकास परियोजनाओं का उद्घाटन और शिलान्यास किया। पशुपालन, गोपालन, डेयरी एवं देवस्थान विभाग मंत्री श्री जोराराम कुमावत ने जिला स्तरीय कार्यक्रम का शुभारम्भ किया।   बारां जिले में इस अभियान का जिला स्तरीय समारोह बारां जिला परिषद सभागार में आयोजित किया गया। इस कार्यक्रम में बारां-अटरू विधायक राधेश्याम बैरवा, किशनगंज विधायक ललित मीणा, जिला कलक्टर रोहिताश्व सिंह तोमर, पूर्व जिला प्रमुख नंदलाल सुमन, उप जिला प्रमुख छीतरलाल परालिया, बारां प्रधान मोरपाल सुमन सहित जनप्रतिनिधियों एवं आमजन ने भाग लिया। आदिवासी समाज के विकास को मिलेगी गति— समारोह को संबोधित करते हुए मंत्री जोराराम कुमावत ने भगवान बिरसा मुंडा की जयंती को गौरव दिवस के रूप में मनाने के महत्व पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री द्वारा शुरू किए गए इस अभियान का उद्देश्य आदिवासी समाज के विकास को गति देना है। इसमें 80 हजार करोड़ की योजना के तहत छोटे गांवों और ढाणियों में सड़क निर्माण, पानी की पाइपलाइन, और चिकित्सा सुविधाओं का विस्तार शामिल है। जिन क्षेत्रों में अभी तक बुनियादी सुविधाएं नहीं हैं, वहां मोबाईल चिकित्सालय, गैस कनेक्शन, शौचालय, और अन्य आवश्यक सेवाएं प्रदान की जाएंगी। उन्होंने यह भी आश्वासन दिया कि जनजातीय परिवारों के विकास के लिए सभी योजनाओं का लाभ पहुंचाने के लिए हर संभव प्रयास किए जाएंगे। आदिवासी समाज की सांस्कृतिक धरोहर को सम्मान— विधायक राधेश्याम बैरवा ने आदिवासी समाज के योगदान को सराहा, जिन्होंने भारत की संस्कृति और आजादी की रक्षा के लिए सदियों तक संघर्ष किया। उन्होंने आदिवासियों को प्रकृति रक्षक बताते हुए उनकी पुरातन चिकित्सा पद्धतियों की प्रशंसा की। इसी क्रम में विधायक ललित मीणा ने बिरसा मुंडा के संघर्ष और उनके आदर्शों को जनजातीय गौरव के प्रतीक के रूप में प्रस्तुत किया। विभिन्न योजनाओं के लाभार्थियों को वितरित किए स्वीकृति पत्र एवं मिनी किट जनजातीय गौरव दिवस के जिला स्तरीय कार्यक्रम में विभिन्न विभागों की जनकल्याणकारी योजनाओं के तहत पात्र लाभार्थियों को स्वीकृति पत्र एवं मिनी किट का वितरण किया गया। इस दौरान ग्रामीण विकास एवं पंचायतीराज विभाग की प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत 15 लाभार्थियों को आवास की चाबियां, 15 स्वीकृति पत्र, मनरेगा की अपना खेत अपना काम योजना के स्वीकृति पत्र, स्वास्थ्य विभाग की ओर से लाभार्थियों को आयुष्मान कार्ड, कृषि विभाग की ओर से कृषकों को तारबंदी के स्वीकृति पत्र एवं मिनी किट (चना 16 किलो) का वितरण मंत्री महोदय सहित अन्य अतिथियों के द्वारा किया गया। जिला परिषद् के अतिरिक्त मुख्य कार्यकारी अधिकारी हरीश्चंद मीणा ने कहा कि अभियान के तहत जिले के जनजातीय समुदाय के लोगों को अधिक से अधिक सरकारी योजनाओं से लाभान्वित किया जाएगा। कार्यक्रम में मंत्री कुमावत ने जिला परिषद परिसर में लगी प्रदर्शनी का अवलोकन किया तथा विभिन्न विभागों द्वारा लगाई गई स्टॉल्स पर सरकार की जन कल्याणकारी योजनाओं के बारें में फीड़बैक लिया। उन्होंने वहां उपस्थित लाभार्थियों से संवाद भी किया। जिला कलक्टर ने पीएम जन मन के तहत हुए कार्यो पर बनी कॉफी टेबल बुक तथा भगवान बिरसा मुण्डा का चित्र मंत्री श्री जोराराम कुमावत को भेंट किए। कार्यक्रम में पीडब्ल्यूडी एसई डी.आर. क्षत्रिय, जेवीवीएनएल एसई एन.एम. बिलौटिया, पीएचईडी एसई प्रमोद झालानी, सीएमएचओ डॉ सम्पतराज नागर सहित समस्त जिला स्तरीय अधिकारी तथा बड़ी संख्या में आमजन उपस्थित रहे।

सशक्त और कमजोर पक्ष को जानने का माध्यम है खेल: डाॅ. रश्मि, राजस्थान-29वीं कर्मचारी खेलकूद प्रतियोगिता शुरू

जयपुर। आयोजन समिति के संयोजक एवं मुख्य अभियंता-प्रथम श्री अमित अग्रवाल द्वारा समारोह की मुख्य अतिथि डाॅ. रश्मि शर्मा, आवासन आयुक्त महोदया का शाॅल ओढ़ाकर एवं पुष्पगुच्छ भेंट कर स्वागत किया गया। श्रीमती मीनाक्षी पाठक, वरिष्ठ लेखाधिकारी द्वारा मुख्य अतिथि महोदय के बैज लगाया गया। डाॅ. रश्मि शर्मा द्वारा नीरजा मोदी स्कूल मानसरोवर, जयपुर के खेल मैदान में गुब्बारे हवा में उड़ाकर एवं फुटबाॅल के कीक लगाकर 29वीं राजस्थान आवासन मण्डल कर्मचारी खेलकूद प्रतियोगिता का शुभारंभ किया। डाॅ. रश्मि  शर्मा ने सभी खिलाड़ियों से परिचय किया। श्री प्रतीक श्रीवास्तव, आयोजन समिति अध्यक्ष एवं अतिरिक्त मुख्य अभियंता-प्रथम द्वारा समारोह अध्यक्ष श्री प्रवीण अग्रवाल को माल्यार्पण एवं साफा पहनाकर स्वागत किया गया। श्री संजय शर्मा, आयोजन सचिव द्वारा समारोह अध्यक्ष के बैज लगाया गया। श्री संजय शर्मा, आयोजन सचिव द्वारा आयोजन समिति के संयोजक मुख्य अभियंता श्री अमित अग्रवाल एवं राजस्थान आवासन बोर्ड कर्मचारी संघ के प्रदेश अध्यक्ष श्री दशरथ कुमार का माल्यार्पण एवं बैज लगाकर स्वागत किया। श्री संजय शर्मा, आयोजन सचिव द्वारा केन्द्रीय खेलकूद संचालन समिति के संयोजक श्री दारा सिंह एवं अन्य सदस्यों का माल्यार्पण कर स्वागत किया गया। इस अवसर पर डाॅ. रश्मि शर्मा ने कहा कि खेल प्रतियोगिताओं से एक दूसरे खिलाड़ियों के सशक्त और कमजोर पक्ष को जानने का अवसर मिलता है। उन्होंने कहा कि आज कि तनावग्रस्त समय में बहुत से लोग विभिन्न शारीरिक एवं मानसिक व्याधियों के शिकार हो जाते हैं उससे बचने के लिए इस प्रकार की खेल प्रतियोगिताओं में सहभागिता निभाना एक कारगर उपाय हैं। इससे हमारी शारीरिक, मानसिक एवं व्यावसायिक कार्य क्षमता का भी विस्तार होता है। उन्होंने खिलाड़ियों का अभिनन्दन करते हुए कहा कि इन प्रतियोगिताओं से समूह समुदाय के साथ जुड़ाव के साथ ही बन्धुत्व एवं सद्भाव की भावना भी बलवती होती है। कार्यक्रम की अध्यक्षता कर रहे श्री प्रवीण अग्रवाल, मुख्य सम्पदा प्रबन्धक, राजस्थान आवासन मण्डल ने कहा कि खेलों से शारीरिक मजबूती के साथ ही टीम भावना एवं राजनैतिक कौशल का भी विकास होता हैं। उन्होंने कहा कि खेलों की प्रत्येक प्रतियोगिता में हार-जीत होती है जो हमें और बेहतर प्रयास करने के लिए प्रेरित करती है। खेलकूद के प्रथम दिवस पर मुख्यालय टीम 100 मी., 200 मी. एवं 400 मी. दौड़ प्रतियोगिता में प्रथम रही। प्रथम दिवस में दौड़ के अलावा फुटबाॅल, क्रिकेट, बाॅलीवाॅल, बास्केटबाॅल, कैरम आदि के लीग मैच आयोजित किये गये। इस अवसर पर मुख्य अभियंता श्री टी.एस.मीणा, वित्तीय सलाहकार श्री रोहताष यादव, अतिरिक्त मुख्य अभियंता श्री प्रतीक श्रीवास्तव, उप आवासन आयुक्त श्री संजय शर्मा, राजस्थान आवासन बोर्ड केन्द्रीय खेलकूद संचालक समिति के संयोजक श्री दारा सिंह, कर्मचारी संघ के कार्यकारी अध्यक्ष श्री भगवती प्रसाद, महामंत्री श्री प्रदीप शर्मा, संयुक्त महामंत्री श्री रमेश चन्द शर्मा एवं श्री गोविन्द नाटाणी सहित वरिष्ठ अधिकारी व प्रदेश के सभी कार्यालय से आये कर्मचारी एवं अधिकारी उपस्थित रहे। —————

ब्रह्मा मंदिर कॉरिडोर एवं सरोवर परिक्रमा मार्ग पर चर्चा, राजस्थान-उप मुख्यमंत्री ने ली अधिकारियों की बैठक

जयपुर। पुष्कर की अन्तर्राष्ट्रीय स्तर पर विशिष्ट पहचान बनाने के लिए उप मुख्यमंत्री दिया कुमारी ने शुक्रवार को जल संसाधन मंत्री श्री सुरेश सिंह रावत, मसूदा विधायक श्री विरेन्द्र सिंह कानावत, अधिकारियों एवं विशेषज्ञों के साथ विस्तारपूर्वक चर्चा की। ब्रह्मा मंदिर कॉरिडोर एवं सरोवर परिक्रमा मार्ग के निर्माण, सौन्यदर्यकरण एवं सुदृढ़ीकरण करने के बारे में विभिन्न प्रस्तावों पर विचार विमर्श हुआ। उप मुख्यमंत्री दिया कुमारी ने कहा कि पुष्कर की पौराणिकता को केन्द्र में रखकर ब्रह्मा मंदिर कॉरिडोर एवं सरोवर परिक्रमा मार्ग का निर्माण, सौन्दर्यीकरण एवं सुदृढ़ीकरण किया जाएगा। इस कार्य में मौलिकता पर विशेष जोर रहेगा। जगतपिता ब्रह्माजी की गरिमा के अनुरूप पूरे शोध के साथ विकास कार्य करवाने होंगे। धार्मिक पर्यटन को बढ़ावा देने वाले विकास कार्य करवाए जाएंगे। श्री पुष्कर पशु मेले के महत्व की अभिवृद्धि करने की दिशा में भी कार्य करने के बारे में चर्चा हुई। पर्यटन के विभिन्न घटकों के अनुसार थीम आधारित कार्य भी होने चाहिए। उन्होंने कहा कि श्रद्धालुओं के लिए पुष्कर एक अन्तर्राष्ट्रीय स्तर का धार्मिक केन्द्र होना चाहिए। पर्यटक वर्ष भर यहां आकर कम से कम दो दिन रूकने का विचार करें। सरकार की बजट घोषणा के अनुसार पर्याप्त बजट उपलब्ध है। पुष्कर के नाम के अनुरूप देश में अलग विशेषता लिए निर्माण कार्य होंगे। त्रेतायुग में भगवान श्री राम के द्वारा पुष्कर में अपने पिता राजा दशरथ का श्राद्ध करने के समय के पुष्कर के वैभव को पुनः स्थापित करने की दिशा में कार्य होना चाहिए। पुष्कर की पौराणिक प्रकृति के संरक्षण के साथ ही विकास कार्य होंगे। बैठक में घाटों के सौन्दर्यकरण और पर्यटन के विकास के विभिन्न सुझावों एवं प्रस्तावों पर चर्चा हुई।

जिला प्रशासन ने शुरू किया ’रास्ता खोलो अभियान’, राजस्थान में बरसों से बंद रास्ते खुले तो किसान और ग्रामीण खुश

जयपुर। नीयत सही और सकारात्मक हो तो नियति कभी गलत नहीं हो सकती। यह कहावत शुक्रवार को जयपुर में हकीकत बनती नजर आई। जब जिला प्रशासन ने रास्ता खोलो अभियान के पहले ही दिन सहमति और समझाइश से बरसों से बंद 26 रास्ते खुलवाए गए। सालों से बंद रास्ते खुलने पर ग्रामीणों ने खुशी का इजहार किया साथ ही, जिला कलक्टर डॉ. जितेन्द्र कुमार सोनी एवं जिला प्रशासन के अधिकारियों का आभार जताया। रास्ता खोलो अभियान के पहले दिन चौमूं एवं जोबनेर में 4-4, आंधी, चाकसू, शाहपुरा, सांगानेर में 3-3, कोटखावदा और किशनगढ़-रेनवाल में 2-2 एवं तूंगा और आमेर में एक-एक रास्ता खुलवाया गया। किश्नगढ़-रेनवाल के धोलिया का वास गांव में करीब 50 साल पुराना रास्ता समझाइश से खुलवाया गया।  तो वहीं, जमवारागढ़ की आंधी तहसील के दांतली में 30 साल पुराना रास्ता खुलवाया गया। तो वहीं, तूगां में 15 साल पुराना अतिक्रमण हटाकर 300 मीटर लंबा रास्ता आमजन के लिए सुचारू करवाया गया। इस दौरान ग्रामीणों ने बताया कि गांव और खेतों की ओर जाने वाली राह आसान करने के लिए जिला प्रशासन के इस अभियान से निश्चित रूप से आमजन को राहत मिलेगी। जिला प्रशासन एवं पुलिस ने सहयोग कर दशकों से बंद सिवायचक, कटानी एवं गैर मुमकिन सहित अन्य सभी प्रकार के रास्तों को खुलवा कर उनकी राह बेहद आसान कर दी है। उन्होंने बताया कि इनमें से कुछ रास्ते तो करीब 50 साल से बंद थे, लेकिन सहमति एवं समझाइश से इन रास्तों को भी खुलवाने में कामयाबी मिली। गौरतलब है कि जिला कलक्टर डॉ. जितेन्द्र कुमार सोनी के निर्देश पर शुक्रवार को जिले में रास्ता खोलो अभियान का आगाज हुआ। ग्रामीण क्षेत्रों में रास्तों की भूमि पर अतिक्रमण को लेकर जनसुनवाई के दौरान बड़ी संख्या में परिवाद प्राप्त होते हैं। रास्तों को लेकर न्यायालय में भी वाद दायर किए जाते रहते हैं। ऐसे प्रकरणों में निरन्तर बढ़ोतरी होने से आमजन को न्यायालय के चक्कर लगाने एवं जन-धन की हानि होने के साथ-साथ क्षेत्र की कानून व्यवस्था भी प्रभावित होती है। इसलिए प्रशासन ने रास्ते सम्बन्धी समस्याओं के निराकरण के लिए ‘रास्ता खोलो अभियान’ चलाने का निर्णय लिया गया। अभियान के तहत सभी खंड विकास अधिकारी अपने क्षेत्रों में आवश्यक संसाधन उपलब्ध करवाने में सहयोग करेंगे, उपखण्ड अधिकारी सप्ताह में एक बार तहसीलदार, थानाधिकारी, विकास अधिकारी के साथ रास्तों से सम्बन्धित प्रकरणों की समीक्षा कर रहे हैं तथा खोले जाने वाले रास्तों का चिन्हीकरण कर सप्ताह में कम से कम तीन रास्तों की समस्या का समाधान करेंगे। बंद रास्ते खुलवाए जाने के पश्चात खंड विकास अधिकारी संबन्धित खोले गए रास्तों पर ग्रेवेल/सी.सी. रोड़ बनवाया जाना सुनिश्चित करेंगें ताकि फिर से कोई रास्ते पर अतिक्रमण नहीं कर पाए। जिन स्थानों पर किन्हीं कारणों से शुक्रवार को कार्यवाही संभव नहीं हो पाई उन स्थानों पर शनिवार को अनिवार्य रूप से रास्ता खोलो अभियान के तहत कार्यवाही की जाएगी। रास्ता खोलो अभियान के तहत आम रास्तों, गोचर भूमि पर अतिक्रमण को हटाने, बंद किए जा चुके खातेदारी रास्तों को खुलवाने, राजस्व अभिलेख में दर्ज रास्ते, काश्तकारों की कृषि जोत के विभाजन करने से पूर्व रास्तों का प्रावधान करने, रास्ते निकालने, राजकीय भूमि से अतिक्रमण हटाने, राजकीय भूमि पर से सार्वजनिक रास्ता निकालने तथा खातेदार किसान को उसकी जोत यानी खेत तक पहुंचने के लिए राजकीय चारागाह भूमि में से होकर रास्ता देने तथा खातेदारी भूमि में से होकर नवीन रास्ते निकालने और विद्यमान रास्ते को चौड़ा करने संबंधी प्रकरणों का निस्तारण किया जा रहा है।

पर्यटन “कल्चरल डायरीज श्रृंखला” का आगाज, राजस्थान की उपमुख्यमंत्री दिया कुमारी की पहल

जयपुर। उपमुख्यमंत्री दिया कुमारी की अभिनव पहल और निर्देशों पर राजस्थान पर्यटन विभाग की ओर से लोक कला और कलाकारों को प्रोत्साहित करने के लिए और उनको आजीविका के अवसर उपलब्ध करवाने के लिए  “कल्चरल डायरीज श्रृंखला” के तहत दो दिवसीय (15 व 16 नवम्बर ) सांस्कृतिक संध्या के पहले दिन शुक्रवार को रामनिवास बाग स्थित अल्बर्ट हॉल में सांस्कृतिक कार्यक्रम का आयोजन किया गया। राजस्थान की लोक कला एवं संस्कृति को वैश्विक पटल पर प्रस्तुत करने, लोक कलाकारों को नया मंच प्रदान की दृष्टि से उक्त सांस्कृतिक संध्या का शुभारम्भ वैदिक मंत्रोच्चारण के साथ हुआ। जिसके पश्चात शेखावाटी अंचल के प्रसिद्ध कच्छी घोड़ी नृत्य की प्रस्तुति दी गई। तत्पश्चात राजस्थान मयूर नृत्य की मनमोहक प्रस्तुति दी गई। इसके पश्चात राधा कृष्ण ने फूलों की होली खेली जिससे प्रदेश के उत्तर-पूर्व में स्थित ब्रज अंचल की कला-संस्कृति भव्य रूप में साकार हुई। श्रीकृष्ण-राधा की प्रेमरसमयी और लठमार होली के रंगों व फूलों से साराबोर नृत्य की प्रस्तुति देख दर्शक भी थिरकने लगे। ब्रज के लोक कलाकारों ने उक्त प्रस्तुति में भगवान श्रीकृष्ण और राधारानी के निर्मल प्रेम को साकार किया। इस दौरान ग्रामीण भवाई नृत्य की आकर्षक प्रस्तुति दी गई। जिसमें नृत्य की विभिन्न मुद्राओं का अद्भुत संतुलन प्रदर्शित किया गया। ब्रज क्षेत्र के कर्णप्रिय और मन को लुभाने वाले भक्तिभाव से परिपूर्ण लोक संगीत सहित सांस्कृतिक संध्या में दी गई मोहक प्रस्तुतियों ने जयपुरवासियों और देशी-विदेशी पावणों को आनंद विभोर कर दिया। उपमुख्यमंत्री दिया कुमारी तथा पर्यटन सचिव श्री रवि जैन के निर्देशों की पालना में पर्यटन विभाग की ओर से लोक कला और कलाकारों को प्रोत्साहित करने और उनको नियमित रूप से आजीविका का अवसर दिलाने के लिए सांस्कृतिक कार्यक्रमों के आयोजन की पहल की गई है। इस हेतु पर्यटन विभाग की ओर से कल्चरल डायरीज श्रृंखला शुरू की गई है। जिससे राजस्थान की कला व संस्कृति से पूरी दुनिया परिचित होगी।  इसी श्रृंखला में आयोजित सांस्कृतिक संध्या के दूसरे दिन  शनिवार, 16 नवम्बर को अल्बर्ट हॉल पर ही बाड़मेर-जैसलमेर क्षेत्र के प्रसिद्ध लंगा-मांगणियार कलाकारों की गायन-वादन की प्रस्तुतियां होंगी। इस अवसर पर निदेशक पुरातत्व एवं संग्रहालय श्री पंकज धरेन्द्र तथा पर्यटन विभाग की संयुक्त निदेशक श्रीमती पुनीता सिंह एवं विभागीय अधिकारी उपस्थित रहें।

slot server thailand super gacor

spaceman slot gacor

slot gacor 777

slot gacor

Nexus Slot Engine

bonus new member

olympus

situs slot bet 200

slot gacor

slot qris

link alternatif ceriabet

slot kamboja

slot 10 ribu

https://mediatamanews.com/

slot88 resmi

slot777

https://sandcastlefunco.com/

slot bet 100

situs judi bola

slot depo 10k

slot88

slot 777

spaceman slot pragmatic

slot bonus

slot gacor deposit pulsa

rtp slot pragmatic tertinggi hari ini

slot mahjong gacor

slot deposit 5000 tanpa potongan

mahjong

spaceman slot

https://www.deschutesjunctionpizzagrill.com/

spbo terlengkap

cmd368

368bet

roulette

ibcbet

clickbet88

clickbet88

clickbet88

bonus new member 100

slot777

https://bit.ly/m/clickbet88

https://vir.jp/clickbet88_login

https://heylink.me/daftar_clickbet88

https://lynk.id/clickbet88_slot

clickbet88

clickbet88

https://www.burgermoods.com/online-ordering/

https://www.wastenotrecycledart.com/cubes/

https://dryogipatelpi.com/contact-us/

spaceman slot gacor

ceriabet link alternatif

ceriabet rtp

ceriabet

ceriabet link alternatif

ceriabet link alternatif

ceriabet login

ceriabet login

cmd368

sicbo online live

Ceriabet Login

Ceriabet

Ceriabet

Ceriabet

Ceriabet

casino online

clickbet88

login kudahoki88

Ceriabet

Ceriabet

Ceriabet