LATEST NEWS

लेबनान में तैनात संयुक्त राष्ट्र अंतरिम बल को खतरे से बाहर निकालें, नेतन्याहू ने एंटोनियो गुटेरेस से तत्काल अनुरोध किया

इजरायल इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने यूएन महासचिव एंटोनियो गुटेरेस से तत्काल अनुरोध किया है कि वे लेबनान के दक्षिणी इलाके में तैनात संयुक्त राष्ट्र अंतरिम बल (UNIFIL) को खतरे से बाहर निकालें. यह बयान उन्होंने हाल ही में एक वीडियो बयान में दिया. नेतन्याहू ने कहा, “मैं सीधे यूएन महासचिव से अपील करता हूँ. हिजबुल्लाह के मजबूत ठिकानों और लड़ाई वाले इलाकों से UNIFIL को हटाना अब जरूरी है.” नेतन्याहू ने इस पैगाम को अंग्रेजी में भी दोहराया, “महाशय महासचिव, UNIFIL बलों को खतरे से बाहर निकालिए, यह तुरंत किया जाना चाहिए.” आईडीएफ की गोलाबारी में दो शांति रक्षक घायल हाल ही में दो घटनाओं में, इजरायली रक्षा बलों (IDF) की गोलाबारी में UNIFIL के दो शांति रक्षक घायल हो गए थे. शुक्रवार, 11 अक्टूबर को एक इजरायली हमले में UNIFIL के मुख्य आधार नाकौरा के पास स्थित एक पर्यवेक्षक टॉवर के पास दो शांति रक्षक घायल हो गए. इसके अलावा, इजरायल के बुलडोजर ने यूएन की स्थिति के पास बैरियर को गिरा दिया था. नेतन्याहू ने कहा कि शांति रक्षकों को उनके ठिकाने पर रखना हिजबुल्लाह के लिए मानव ढाल का काम करता है. उन्होंने बताया कि इसके कारण शांति रक्षकों और इजरायली सैनिकों दोनों के लिए खतरा बढ़ गया है. अमेरिका और यूरोपीय देशों की आलोचना अमेरिका और यूरोपीय देशों ने इजरायल से अपील की है कि शांति रक्षकों को सुरक्षित रखने के लिए जरूरी कदम उठाए जाएं, हालांकि नेतन्याहू ने कहा कि यूरोपीय नेता गलत जगह पर दबाव डाल रहे हैं. नेतन्याहू ने कहा, “उनका ध्यान हिजबुल्लाह पर होना चाहिए, जो शांति रक्षकों का इस्तेमाल मानव ढाल के रूप में करता है.” आयरलैंड के रक्षा बलों के प्रमुख जनरल शॉन क्लांसी ने शुक्रवार को कहा कि पर्यवेक्षक टॉवर पर टैंक की गोलाबारी जानबूझकर की गई थी. उन्होंने कहा, “यह एक बेहद छोटे लक्ष्य पर प्रत्यक्ष गोलाबारी थी, जिसे संयोग नहीं माना जा सकता.” गुटेरेस के साथ इजरायल का तनाव बढ़ा इजरायल और गुटेरेस के बीच तनाव 7 अक्टूबर के बाद से और बढ़ गया है. इजरायल के विदेश मंत्री इसराइल कट्ज ने हाल ही में गुटेरेस को “प्रति-अवांछनीय व्यक्ति” घोषित किया और उन्हें इजरायल में प्रवेश करने से रोकने का ऐलान किया. एक पोल के अनुसार, 87% इजरायली जनता इस फैसले का समर्थन करती है.

सभी रेलवे अस्पतालों को ऑनलाइन माध्यम से गया जोड़ा, अब किसी भी स्टेशन पर मिलेगी ऑनलाइन चिकित्सा सुविधा, APP करे इंस्टॉल

रायबरेली रेलकर्मियों के लिए बहुत राहत भरी खबर है। अब उन्हें चिकित्सीय सुविधा के लिए रेलवे अस्पताल में पर्चा बनवाना नही पड़ेगा। न ही जांचों की रिपोर्ट को लेकर इधर उधर भागना पड़ेगा रेलवे चिकित्सा सुविधा को एकीकृत करते हुए सभी रेलवे अस्पतालों को ऑनलाइन माध्यम से जोड़ दिया है। इसके तहत रेल कर्मियों को अपने मोबाइल पर हेम्स ऐप से इंस्टॉल करना होगा। पंजीकरण के बाद आईडी हो जाएगी तैयार एप के पंजीकरण के बाद उनकी पेंशेंट आईडी तैयार हो जाएगी। फिर इसके बाद व अपना उपचार चाहे रायबरेली रेलवे अस्पताल में कराए या फिर चिन्नई रेलवे अस्पताल में मरीज के रोग संबंधी सभी जांच व रिपोर्ट भी इसी एप पर उपलब्ध रहेगी। स्टेशन के रेलवे स्टेशन के प्लेटफार्म नंबर एक पर रेलवे का अस्पताल है। जिस अस्पताल में रेलवे के 12सौ कर्मचारी व 398 रिटायर कर्मचारियों का उपचार किया जाता है। जिस अस्पताल के मरीजों को बेहतर उपचार के लिए रेलवे प्रशासन ने अहम फैसला लेते हुए हेम्स ऐप्स यानी हॉस्पिटल मैनेजमेंट इन्फ्रार्मेशन सिस्टम से अस्पताल को भी जोड़ दिया है। देश के किसी स्टेशन पर करवा सकते हैं इलाज अस्पताल के तहत आने वाले 16 स्टेशनों के कर्मचारियों को देश के किसी भी स्टेशन पर अपना उपचार करवा सकते है जिसको लेकर उनको न पर्चा बनवाना पड़ेगा न ही उसके लिए अस्पताल के चक्कर लगाना होगा। सिर्फ आपके हाथ में मोबाइल हो और हेम्स एप डाउनलोड हो। मेडिकल कार्ड के पड़े नंबर को एप में डालते ही मर्ज के अनुसार ऑप्शन में क्लिक करते ही जिले की ही नहीं चेन्नई से लेकर किसी भी रेलवे अस्पताल में अपना उपचार जाकर करवा सकते है। उपचार के बाद विभिन्न मर्ज की जांच रिपोर्ट तक आगे उपचार करने हेतु उनको लाना नही पड़ेगा क्योंकि इसी ऐप्स में सब डाउनलोड रहेगा। यहां तक की प्रत्येक दवा की एक एक गोली का रिकॉर्ड तक मौजूद रहेगा। जिसका शुभारम्भ प्रारंभ कर दिया गया है। जिस अस्पताल को उच्चीकृत के श्रेणी में लिया गया है । इन स्टेशन के कर्मचारियों को मिलेगा लाभ     रायबरेली स्टेशन के साथ-साथ बछरावां     कुंदनगंज     हरचंदपुर     गंगागंज     रूपामउ     फुर्सतगंज     दरियापुर     लक्ष्मनपुर     रामचन्द्रपुर     उंचाहार     उबरनी     डलमउ     जलालपुरधई     मंझलेपुर     ईश्वरदासपुर इसके अलावा कई स्टेशन के 12 सौ कर्मचारी व 398 रिटायर कर्मचारी को हेम्स एप्स का लाभ मिलेगा। जिससे समस्त ड्यूटी धारक व रिटायर कर्मचारियों को राहत भरी खबर से ऐसी पहल प्रारंभ करने से हर्ष व्याप्त है। अब नहीं लगाना पड़ेगा चक्कर यदि आपका घर बिहार, कश्मीर, उतराखंड, गुजरात व हिमाचल प्रदेश समेत देश के किसी भी कोने में है तो आप छुट्टी में हैं या रिटायर होने के बाद अपने पैतृक गांव पहुंच गए तो उनको अब रायबरेली आने की जरूरत नहीं पड़ेगी क्योंकि हेम्स ऐप्स के डाउनलोड करने के बाद उसी में मर्ज के अनुसार सारी जांच से लेकर एक-एक दवा का रिकॉर्ड भी रहेगा जबकि पहले तैनाती स्थल जाकर उपचार करवाने की प्रथा थी जिससे अब निजात मिल गया है। ये है अस्पताल में चिकित्सक     स्टेशन के अस्पताल में इंचार्ज हेल्थ यूनिट डॉ. रश्मि श्रीवास्तव     चीफ फार्मासिस्ट विजय कुमार     डेसर ज्ञानचन्द्र     हॉस्पिटल असिस्टेंट नितिन व कलावती     सफाई कर्मी पप्पू अपर मुख्य चिकित्साधिकारी बोले अपर मुख्य चिकित्साधिकारी रेलवे डॉ. वी एस हंकी ने बताया कि रेलवे के जीएम के निर्देश पर रायबरेली अस्पताल को उच्चीकृत में ले लिया गया है जहां के अस्पताल के सभी रेलवे के ड्यूटी व रिटायर रेल कर्मचारियों को हेम्स ऐप्स से जोड़ा जाएगा। जिनका अब पर्चा नही बनवाया जाएगा हेम्स ऐप्स से जुड़ने से देश के किसी भी रेलवे अस्पताल में मर्ज के अनुसार उनके चिकित्सकों को ऐप्स डाउनलोड करके उसमें रेलवे के पीएफ, आधारकार्ड, मोबाइल नंबर, उम्मीद मेडिकल कार्ड के माध्यम से रजिस्ट्रेशन करवाकर दिखवाया जा सकता है जिसको रायबरेली में प्रारंभ करवा दिया गया है।

मध्य प्रदेश प्राथमिक शिक्षक के लिए संयुक्त पात्रता परीक्षा 2024 में भाग लेने के लिए आवेदन की लास्ट डेट 15 अक्टूबर निर्धारित

 नई दिल्ली मध्य प्रदेश प्राथमिक शिक्षक के लिए संयुक्त पात्रता परीक्षा 2024 में भाग लेने के लिए आवेदन की लास्ट डेट 15 अक्टूबर 2024 निर्धारित है। ऐसे में जो अभ्यर्थी इस परीक्षा की तैयारियों में लगे हैं और अभी तक किसी कारणवश फॉर्म नहीं भर सके हैं वे अंतिम समय में होने वाली दिक्कतों से बचने के लिए तुरंत ही आवेदन प्रक्रिया पूर्ण कर लें। एप्लीकेशन फॉर्म ऑनलाइन माध्यम से मध्य प्रदेश कर्मचारी चयन मंडल (MPESB) की ऑफिशियल वेबसाइट esb.mp.gov.in पर केवल ऑनलाइन ही भरा जा सकता है। अन्य किसी भी प्रकार से फॉर्म स्वीकार नहीं किये जायेंगे। 20 अक्टूबर तक फॉर्म में करेक्शन करने का रहेगा मौका अगर एप्लीकेशन फॉर्म भरते से अभ्यर्थी से त्रुटि हो जाती है तो वे ऑनलाइन माध्यम से इसमें संशोधन भी कर सकते हैं। करेक्शन विंडो 20 अक्टूबर 2024 तक ओपन रहेगी। आवेदन कैसे करें इस परीक्षा में शामिल होने के लिए आप यहां दी जा रही स्टेप्स को फॉलो करके स्वयं ही फॉर्म भर सकते हैं। इससे आप कैफे में लगने वाले अतिरित्त चार्ज से बच सकते हैं। MP TET Application Form 2024 भरने के लिए सबसे पहले ऑफिशियल वेबसाइट esb.mp.gov.in पर विजिट करें। वेबसाइट के मुख्य पेज पर हिंदी या अंग्रेजी का चुनाव करें। अब वेबसाइट के होम पेज पर आपको Online Form – Primary School Teacher Eligibility Test – 2024 Start From का लिंक दिखाई देगा उस पर क्लिक करें। अब अभ्यर्थी पअप्लाई वाले लिंक पर क्लिक करके मांगी गई सभी जानकारी सही सही भरकर फॉर्म को भर लें। अंत में निर्धारित शुल्क जमा करें और फॉर्म को सबमिट कर दें। अब पूर्ण रूप से भरे हुए फॉर्म का एक प्रिंटआउट निकालकर भविष्य के सन्दर्भ के लिए सुरक्षित रख लें। MP TET 2024 Application Form डायरेक्ट लिंक अधिसूचना डाउनलोड करने के लिए यहां क्लिक करें। एप्लीकेशन फीस आवेदन पत्र भरने के साथ उम्मीदवारों को वर्गानुसार निर्धारित आवेदन शुल्क अवश्य जमा करना है तभी आपका फॉर्म स्वीकार किया जाएगा। अनारक्षित वर्ग एवं एमपी के बाहर के उम्मीदवारों को 500 रुपये जमा करना होगा वहीं ओबीसी, ईडब्ल्यूएस एवं दिव्यांग अभ्यर्थियों को 250 रुपये का भुगतान करना होगा। कियोस्क के माध्यम से फॉर्म भरने पर पोर्टल शुल्क 60 रुपये या रजिस्टर्ड सिटीजन यूजर के माध्यम से आवेदन करने पर पोर्टल शुल्क 20 रुपये अतिरिक्त जमा करना होगा।

लैलूंगा में उरांव समाज के करमा महोत्सव में मुख्यमंत्री साय होंगे शामिल

रायपुर, मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय आज एक दिवसीय रायगढ़ जिले के लैलूंगा प्रवास पर रहेंगे। निर्धारित कार्यक्रम अनुसार मुख्यमंत्री साय दोपहर 2.15 बजे ग्राम-सिलौटा, जिला-सूरजपुर से हेलीकाप्टर द्वारा प्रस्थान कर अपरान्ह 3 बजे लैलूंगा पहुंचेंगे। मुख्यमंत्री श्री साय अपरान्ह 3.05 बजे वृहत सम्मेलन एवं उरांव समाज के करमा महोत्सव कार्यक्रम में शामिल होंगे। मुख्यमंत्री श्री साय शाम 4.10 बजे लैलूंगा से रायपुर के लिए प्रस्थान करेंगे। लैलूंगा के कुंजारा हेलीपेड एवं आसपास का 3 कि.मी. क्षेत्र ’नो ड्रोन फ्लाई जोन’ घोषित हेलीपेड कुंजारा के 03 किलोमीटर क्षेत्र को ’नो ड्रोन फ्लाई जोन’ घोषित किया गया है। मुख्यमंत्री के जिला रायगढ़ तहसील लैलूंगा के कुंजारा हेलीपेड में लैडिंग, उड़ान के दौरान सुरक्षा व्यवस्था को दृष्टिगत रखते हुए हेलीपेड कुंजारा तहसील-लैलूंगा के 03 किलोमीटर की परिधि को ’नो ड्रोन फ्लाई जोन’ घोषित किया गया है।

जयवर्धने एमआई टीम में मार्क बाउचर की लेंगे जगह, बने टीम के हेड कोच, पारस म्हाम्ब्रे को बनाया गेंदबाजी कोच

नई दिल्ली मुंबई इंडियंस ने श्रीलंका के पूर्व कप्तान महेला जयवर्धने को टीम का मुख्य कोच नियुक्त किया है। रविवार को MI ने इसकी पुष्टि की। वहीं, पारस म्हाम्ब्रे को गेंदबाजी कोच बनाया गया है। इससे पहले भी वह 2017 से 2022 तक मुंबई इंडियंस टीम के हेड कोच रहे थे। इसके अलावा वह आईपीएल में मुंबई इंडियंस टीम के कप्तान भी रह चुके हैं। वह मार्क बाउचर की जगह लेंगे, जो 2022 और 2023 में टीम के मुख्य कोच थे। हालांकि रविवार को मुंबई इंडियंस की रिलीज में म्हाम्ब्रे की वापसी का जिक्र नहीं किया गया, लेकिन यह पुष्टि की जा रही है कि पूर्व भारतीय तेज गेंदबाज, जिन्होंने दो टेस्ट और तीन वनडे खेले हैं, आने वाले सीजन के लिए मुंबई इंडियंस कैंप का हिस्सा होंगे। पांच बार की चैंपियन टीम के पास गेंदबाजी कोच के तौर पर लसिथ मलिंगा भी हैं और काम का बंटवारा किस तरह होगा, यह देखना होगा। आकाश अंबानी ने की पुष्टि मुंबई इंडियंस के आकाश अंबानी ने कहा, हम महेला को मुंबई इंडियंस के मुख्य कोच के रूप में वापस पाकर रोमांचित हैं। हमारी फ्रेंचाइजी की टीमों ने अपने दुनिया भर की लीगों में अपनी जगह बना ली है, इसलिए उन्हें MI में वापस लाने का अवसर आया। उनके नेतृत्व, अनुभव और खेल के प्रति जुनून ने हमेशा MI को लाभ पहुंचाया है। मैं इस अवसर पर पिछले दो सत्रों में उनके योगदान के लिए मार्क बाउचर को भी धन्यवाद देना चाहूंगा। उनके कार्यकाल के दौरान उनकी विशेषज्ञता और समर्पण महत्वपूर्ण थे, और अब वे MI परिवार का अभिन्न सदस्य बन गए हैं। महेला जयवर्धने ने जताई खुशी मुंबई इंडियंस के हेड कोच महेला जयवर्धने ने कहा, एमआई परिवार के भीतर मेरी यात्रा हमेशा विकास की रही है। 2017 में, हमारा ध्यान प्रतिभाशाली व्यक्तियों के एक समूह को एक साथ लाकर सर्वश्रेष्ठ क्रिकेट खेलने पर था और हमने बहुत अच्छा प्रदर्शन किया। अब इतिहास के उसी क्षण में वापस लौटना, जहां हम भविष्य की ओर देखते हैं और एमआई के प्रति प्यार को और मजबूत करने, मालिकों के विजन पर निर्माण करने और मुंबई इंडियंस के इतिहास में योगदान देना जारी रखने का अवसर एक रोमांचक चुनौती है जिसका मैं बेसब्री से इंतजार कर रहा हूं। पिछले सीजन रहा था खराब प्रदर्शन गौरतलब हो कि इससे पहले जयवर्धने 2017 से 2022 तक लगातार पांच साल तक टीम के मुख्य कोच रहे थे। हालांकि 2022 में MI फ्रेंचाइजी के दूसरे लीगों में वैश्विक विस्तार के कारण उन्हें फ्रेंचाइजी का ग्लोबल हेड बनाया गया था, लेकिन अभी उन्हें फिर से वापस लाया गया है। पिछले साल मुंबई इंडिया का प्रदर्शन बेहद खराब रहा था। मुंबई 10वें स्थान पर रही थी। मुंबई इंडियंस ने 14 में से केवल चार मैच जीते थे।

हरियाणा में भाजपा 17 अक्टूबर को वाल्मिकी जयंती के अवसर पर नई सरकार लेगी शपथ

चंडीगढ़ हरियाणा में भारतीय जनता पार्टी की नई सरकार 17 अक्टूबर को शपथ लेगी। पहले ऐसी खबरें थीं कि सैनी सरकार 15 अक्टूबर को शपथ लेगी, लेकिन फिर 17 अक्टूबर का दिन तय हो गया। तारीख में परिवर्तन क्यों किया गया, इसकी वजह अब साफ हो गई है। असल में 17 अक्टूबर को वाल्मिकी जयंती है। इस दिन शपथ लेकर भाजपा दलितों को खास संदेश देना चाहती है। बता दें कि हरियाणा सरकार ने पहले ही रामचरितमानस के रचयिता के जन्म की तारीख पर प्रदेश में सार्वजनिक अवकाश की घोषणा कर रखी है। वाल्मीकि संप्रदाय में वाल्मिकी जयंती परगट दिवस के रूप में मनाई जाती है। गौरतलब है कि शपथग्रहण समारोह में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी भी मौजूद रहेंगे। इस साल हुए लोकसभा चुनाव में हरियाणा में भाजपा का प्रदर्शन अच्छा नहीं रहा था। वह यहां पर 10 में से केवल पांच सीटें ही जीत पाई थी। लेकिन हालिया विधानसभा चुनाव में भाजपा के लिए चीजें पूरी तरह से बदल गई हैं। विधानसभा चुनाव में जीत हासिल कर भाजपा हरियाणा में रिकॉर्ड तीसरी बार सरकार बनाने जा रही है। भाजपा की इस जीत के पीछे जाटलैंड में उसकी मजबूती और दलित-ओबीसी वोटों पर पकड़ का अहम योगदान रहा है। लोकसभा चुनाव में यही दलित-ओबीसी वोट कांग्रेस के खाते में चले गए थे। इसके अलवा सरकार की लोककल्याणकारी योजनाओं की भूमिका भी काफी अहम रही है। इसमें 500 रुपए में सिलिंडर, मध्य प्रदेश के लाडली बहन योजना की तर्ज पर लाडो लक्ष्मी योजना लाना खास रहा। इन योजनाओं ने दलितों और महिला वोटरों को पार्टी की तरफ मोड़ा। इंडियन एक्सप्रेस के मुताबिक एक वरिष्ठ भाजपा नेता ने बताया कि भाजपा ही वह पार्टी है, जिसने गरीबों, पिछड़ों और दलितों को सम्मान दिया है। यह उन दलों की तरह नहीं है, जो केवल इन लोगों तक पहुंचने का दिखावा करती हैं। साल 2014 में सत्ता में आने के बाद से ही भाजपा ने इन सभी के लिए कई जरूरी कदम उठाए हैं। इस चुनाव से पहले भाजपा ने हरियाणा में अपना सीएम बदला था। उसने मनोहर लाल खट्टर को हटाकर ओबीसी नायब सिंह सैनी को सीएम बनाया। फिर चुनाव में भी उन्हें ही सीएम फेस बनाया। पार्टी को इसका फायदा भी मिला है। हालिया विधानसभा चुनाव में भाजपा ने शिड्यूल कास्ट के लिए रिजर्व 17 में से 8 सीटें जीती हैं। यह इस आबादी का कुल 20 फीसदी है। वहीं, करीब 30 फीसदी ओबीसी वोटर भी भाजपा को मिले हैं। इस चुनाव में भाजपा का चेहरा रहे मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी खुद भी ओबीसी समुदाय से हैं। यह पहली बार नहीं है भाजपा ने महर्षि वाल्मिकी को दिमाग में रखकर कोई कदम उठाया है। जनवरी में उसने अध्योध्या इंटरनेशनल एयरपोर्ट का नाम महर्षि वाल्मिकी के नाम पर कर दिया था। भाजपा के मुताबिक यह सत्य, नैतिकता और आध्यात्म का संदेश देने वाला होगा। इसके अलावा हरियाणा में साल 2014 में सत्ता के आने के साथ ही भाजपा ने संतों को लेकर विभिन्न कार्यक्रम शुरू कर दिए थे। अक्टूबर 2015 में खट्टर सरकार ने हरियाणा की यूनिवर्सिटी का नाम महर्षि वाल्मिकी के नाम पर कर दिया। 2016 के बाद से 17 अक्टूबर के दिन प्रदेश में वाल्मिकी जयंती मनाई जा रही है। जून 2021 में खट्टर के नेतृत्व वाली कैबिनेट ने कैथल यूनिवर्सिटी को महर्षि वाल्मिकी संस्कृत यूनिवर्सिटी कर दिया था। इसी तरह जनवरी में अयोध्या में राम मंदिर उद्धाटन के मौके पर पानीपत में गोहना इंटरसेक्शन को श्रीराम चौक और रेलवे रोड इंटरसेक्शन को वाल्मिकी चौक नाम दिया गया था। अपने कार्यकाल में खट्टर ने भाजपा के लिए महर्षि वाल्मिकी के महत्व पर प्रकाश डाला था। उन्होंने कहा था कि हमारी सरकार का मकसद अंत्योदय और सामाजिक समरसता है। भाजपा विकास कार्यों के जरिए महर्षि वाल्मिकी के राम राज्य की कल्पना को साकार कर रही है। उन्होंने कहा था कि देश को शक्तिशाली बनाने में महर्षि वाल्मिकी की शिक्षाओं का योगदान अहम है। वाल्मिकी जयंती के अलावा भाजपा सरकार ने हरियाणा में अन्य संतों को भी महत्व दिया है। जून 2022 में खट्टर ने आधिकारिक मुख्यमंत्री आवास को संत कबीर कुटीर नाम दिया था। इसी साल खट्टर सरकार ने संत-महापुरुष विचार सम्मान और प्रसार योजना शुरू की। इसमें प्रदेश सरकार के कार्यक्रमों में धार्मिक नामों को पहचान दी गई।

हिजबुल्लाह ने इजरायल के आर्मी बेस पर दागे ड्रोन, 4 सैनिकों की मौत और 60 से ज्यादा घायल

इजरायल ईरान समर्थित आतंकी गुट हिजबुल्लाह ने इजरायल के आर्मी बेस पर ड्रोन हमले किए हैं। यह अटैक इतना घातक था कि 4 इजरायली सैनिकों की मौत हो गई और 60 से अधिक घायल हैं। इजराइली बचाव सेवा की ओर से कहा गया कि बिनयामीना शहर में स्थित सैन्य अड्डे को निशाना बनाया गया। लेबनान के चरमपंथी समूह हिजबुल्लाह ने इस हमले की जिम्मेदारी भी ली है। इजरायल की वायु-रक्षा प्रणालियां इतनी मजबूत मानी जाती है कि ड्रोन या मिसाइल हमले में इतनी संख्या में लोगों के घायल होने की आशंका नहीं के बराबर रहती है। हालांकि, इस बार नुकसान पहुंचा है। इजरायली मीडिया ने बताया कि रविवार को लेबनान से 2 ड्रोन दागे गए। इजराइली सेना का कहना है कि एक ड्रोन को मार गिराया गया। यह फिलहाल स्पष्ट नहीं हो पाया है कि घायलों में शामिल लोग आम नागरिक हैं या सैनिक। हिजबुल्लाह ने बयान में कहा कि उसने बेरूत में इजरायल की ओर से किए गए 2 हमलों के जवाब में इजरायल की सेना के प्रशिक्षण शिविर को निशाना बनाया। गुरुवार को बेरूत में किए गए हमले में 22 लोग मारे गए थे। पिछले 2 दिन में यह दूसरी बार है जब इजरायल में ड्रोन से हमला किया गया। शनिवार को तेल अवीव के उपनगर में ड्रोन अटैक हुआ, जिसमें किसी के हताहत होने की सूचना नहीं है। हिजबुल्लाह के 50 लड़ाकों को मार गिराया गयाः इजरायली सेना दूसरी ओर, इजरायल रक्षा बलों (IDF) ने कहा कि उसने पिछले 24 घंटों में दक्षिणी लेबनान में आमने-सामने की मुठभेड़ों में हिजबुल्लाह के 50 आतंकवादियों को मार गिराया। आईडीएफ ने शनिवार को कहा कि उसने उत्तरी इजरायल के इलाकों और सेना बलों को निशाना बनाकर भूमिगत सुरंग शाफ्ट, कई हथियार भंडारण बुनियादी ढांचे, रॉकेट लांचर, मोर्टार बम और एंटी-टैंक मिसाइलों सहित 200 से अधिक हिजबुल्लाह के लक्ष्यों को निशाना बनाया। बयान में कहा गया कि इजरायली वायु सेना ने सीरिया-लेबनान सीमा पर भूमिगत सुविधाओं को निशाना बनाकर अभियान भी चलाया, जहां हिजबुल्लाह के हथियार रखे गए थे। इस बीच, इजरायली सेना ने गाजा पट्टी में अपना अभियान जारी रखा। सैन्य बुनियादी ढांचे को नष्ट कर दिया और टैंक फायर, शॉर्ट-रेंज फायर व वायु सेना के हमलों के माध्यम से कई आतंकवादियों को मार गिराया।

गांधीसागर फॉरेस्ट रिट्रीट के तीसरे संस्करण की शुरुआत 14 अक्टूबर से, पर्यटकों को मिलेगा प्रकृति के साथ रोमांच का बेमिसाल अनुभव

भोपाल गांधीसागर फॉरेस्ट रिट्रीट के तीसरे संस्करण की शुरुआत सोमवार 14 अक्टूबर, 2024 से होगी। ऑल सीजन टेंट सिटी के साथ पर्यटकों के लिए प्राकृतिक सौन्दर्य, रोमांचक गतिविधियों और सांस्कृतिक कार्यक्रमों का यह बेमिसाल संयोजन होगा। प्रमुख सचिव पर्यटन एवं संस्कृति और प्रबंध संचालक मध्यप्रदेश टूरिज्म बोर्ड, श्री शिव शेखर शुक्ला ने कहा कि मंदसौर के पास गांधीसागर के बैकवाटर्स किनारे स्थापित फॉरेस्ट रिट्रीट रोमांच, मनोरंजन और सांस्कृतिक अनुभवों का एक अद्भुत संगम है। गांधीसागर बैकवाटर्स अपने आप में अद्भुत दर्शनीय पर्यटन स्थल है, जहाँ एक ही स्थान पर गांधीसागर बाँध जलाशय में वाटर एडवेंचर , हिंगलाजगढ़ क़िले में हेरिटेज ट्रेल, गांधीसागर अभ्यारण्य में वन्यप्राणी सफारी तथा आसपास के ग्रामों में ग्रामीण परिवेश के अलौकिक अनुभव का आनंद लिया जा सकता है।  मध्यप्रदेश पर्यटन द्वारा इस अत्याधुनिक टेंट सिटी को ऑफबीट डेस्टिनेशन के रूप में विकसित और प्रस्तुत किया जा रहा है। ऑल सीजन टेंट सिटी में आरामदायक स्टे देने के साथ यह मध्यप्रदेश की समृद्ध सांस्कृतिक धरोहर को पारंपरिक कला, आकर्षक प्रस्तुतियों और स्थानीय व्यंजनों के माध्यम से प्रदर्शित करने का एक सुनहरा अवसर है। यहाँ पर्यटक कई रोमांचक गतिविधियों का आनंद ले सकेंगे। इसमें हॉट एयर बैलूनिंग, पैरामोटरिंग, जेट स्कीइंग, कयाकिंग, मोटर बोटिंग जैसी रोमांचक गतिविधियां होंगी। साथ ही म्यूजिक परफॉर्मेंस भी होंगी। इच्छुक पर्यटक 078087 80899 पर संपर्क कर बुकिंग संबंधी डिटेल्स प्राप्त कर सकते हैं।  

हरियाणा की 15वीं विधानसभा के गठन की प्रक्रिया के तहत PM के स्वागत के लिए युद्ध स्तर पर तैयारियां जारी

चंडीगढ़ हरियाणा की 15वीं विधानसभा के गठन की प्रक्रिया के तहत 17 अक्टूबर को पंचकूला के दशहरा ग्राउंड में मुख्यमंत्री और उनकी कैबिनेट का शपथ ग्रहण समारोह रखा गया है। चूंकि हरियाणा में पहली बार भारतीय जनता पार्टी ने सत्ता और राजनीति का इतिहास बनाया है। इसलिए भारतीय जनता पार्टी इस क्षण को यादगार बनाना चाहती है। यहीं कारण है कि खुद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी इस शपथ ग्रहण समारोह में शामिल होंगे। प्रधानमंत्री के आगमन के चलते पंचकूला के दशहरा ग्राउंड में युद्ध स्तर पर समारोह की तैयारियां की जा रही है। रावण दहन के बाद ग्राउंड के खाली होने के कारण प्रशासन अब कम समय में सभी तैयारियों को पूरा करने में जुटा है। प्रशासन की ओर से इसकी तैयारियों में कोई कमी नहीं छोड़ी जा रही। प्रधानमंत्री के अलावा भारतीय जनता पार्टी के शासित सभी राज्यों के मुख्यमंत्री भी इस कार्यक्रम में शामिल होंगे। ग्राउंड में 50 हजार से अधिक लोगों के बैठने की व्यवस्था है। इसलिए इस ग्राउंड का चयन किया गया है। पहले परेड़ ग्राउंड में होना था कार्यक्रम मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी का शपथ ग्रहण समारोह के लिए पहले 12 अक्टूबर फिर 15 अक्टूबर की तारीख निधार्रित की गई थी, लेकिन प्रधानमंत्री के आने के कारण इस तारीख को बदलकर 17 अक्टूबर किया गया। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की लोकप्रियता और उन्हें देखने व सुनने के इच्छूक लोगों के भारी संख्या में कार्यक्रम में आने के कारण शपथ ग्रहण समारोह का स्थान परेड़ ग्राउंड से बदलकर पंचकूला केदशहरा ग्राउंड में किया गया है। 10 से 11 मंत्री ले सकते हैं शपथ मुख्यमंत्री नायब सिंह समेत 17 अक्टूबर को हरियाणा कैबिनेट के 10 से 11 मंत्री भी 17 अक्टूबर को शपथ ले सकते हैं। हालांकि हरियाणा में मुख्यमंत्री समेत कुल 14 मंत्री बनाए जा सकते हैं, लेकिन 2-3 मंत्रियों को बाद में शपथ दिलाई जाने की चर्चा है। अधिकारी कर रहे दौरा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के आगमन को लेकर पुलिस और प्रशासन के अधिकारी लगातार कार्यक्रम स्थल का दौरा कर रहे हैं, जिससे कार्यक्रम को एक भव्य रूप दिया जा सके। चर्चा है कि जिन 20 हजार युवाओं को सरकार की ओर से नौकरी के ज्वाइनिंग लेटर दिए जाने है, उन्हें भी कार्यक्रम में शामिल होने का न्यौता दिया जा सकता है। इसके अलावा भारतीय जनता पार्टी के सभी जिला अध्यक्ष और संगठन से जुड़े लोग भी शपथ ग्रहण समारोह में शामिल होंगे। सुरक्षा के लिए हो रही पेड़ों की छटाई कार्यक्रम स्थल और उसके आसपास मौजूद भारी और पत्तेदार पेड़ों की छटाई का कार्य शुरू कर दिया गया है, जिससे कोई भी आसमाजिक तत्व उनमें छिप ना सके। इसी के चलते कार्यक्रम स्थल और आसपास के घने पेड़ों की छटाई की जा रही है।  

महंगाई का साया: हरी सब्जियों के बाद आलू, प्याज और टमाटर की बढ़ती समस्या

Shadow of inflation: After green vegetables, increasing problem of potatoes, onions and tomatoes भोपाल ! देश में महंगाई की मार से आम जनता की मुश्किलें दिन-ब-दिन बढ़ती जा रही हैं। पहले हरी सब्जियों की बढ़ती कीमतों ने रसोई का बजट बिगाड़ा, और अब आलू, प्याज और टमाटर जैसी जरूरी सब्जियों पर भी महंगाई का प्रहार हो रहा है। टमाटर, प्याज और आलू की कीमतें इतनी तेजी से बढ़ी हैं कि आम लोगों ने इन्हें खरीदना कम कर दिया है, या फिर पूरी तरह से परहेज करना शुरू कर दिया है। खुदरा बाजार में आलू की कीमतें 40 रुपए प्रति किलो तक पहुंच गई हैं, जो सामान्य तौर पर 20 से 25 रुपए के आसपास रहती थी। वहीं, टमाटर की कीमतें 100 रुपए प्रति किलो के पार जा चुकी हैं, जो घर के बजट पर भारी असर डाल रही हैं। प्याज की कीमतें भी आसमान छू रही हैं, और बाजार में 60-80 रुपए प्रति किलो तक बिक रहे हैं। ये तीन मुख्य सब्जियां, जो रोज़मर्रा के भोजन का अभिन्न हिस्सा मानी जाती हैं, अब लोगों की थालियों से गायब होती जा रही हैं। हरी सब्जियों की बात करें तो उनकी कीमतें पहले से ही लोगों की पहुंच से बाहर हो चुकी हैं। लौकी, टिंडा, करेला, और पालक जैसी सब्जियां, जो आमतौर पर घर-घर में रोजाना इस्तेमाल होती थीं, अब दुर्लभ होती जा रही हैं। सब्जियों की यह बढ़ती कीमतें किसानों की लागत में इजाफे, खराब मौसम, और आपूर्ति श्रृंखला में आई बाधाओं का परिणाम मानी जा रही हैं। टमाटर का सबसे उत्पादक है भारतरिजर्व बैंक की रिपोर्ट के मुताबिक, टमाटर, प्याज और आलू के प्रोडक्शन में तेजी से बढ़ोतरी हो रही है. बीते साल टमाटर का प्रोडक्शन 20.4 मिलियन मीट्रिक टन रहा था वहीं प्याज का उत्पादन 30.2 MMT और आलू 60.1 MMT होने का अनुमान है. दुनिया में भारत टमाटर का सबसे बड़ा और आलू का दूसरा सबसे बड़ा उत्पादक है. भारत ने इस मामले में चीन को भी पीछे छोड़ दिया है. इन सब्जियों की कीमतों में आई इस तेजी का असर न केवल गरीब और मध्यम वर्ग पर पड़ा है, बल्कि होटल, रेस्तरां और छोटे भोजनालयों पर भी इसका सीधा प्रभाव पड़ा है। भोजनालयों में खाने के दाम बढ़ाए जा रहे हैं, क्योंकि सब्जियों की लागत में बढ़ोतरी हो रही है। साथ ही, सब्जियों की कमी के कारण खाने में कटौती और सस्ती सब्जियों का उपयोग बढ़ा है। सरकार द्वारा उठाए गए कदमों के बावजूद कीमतों में स्थिरता नहीं आ रही है, और जनता को महंगाई के इस दबाव से निपटने के लिए वैकल्पिक तरीकों की तलाश करनी पड़ रही है। अब सवाल यह है कि कब तक जनता को इस महंगाई की मार झेलनी पड़ेगी और क्या आने वाले समय में राहत की कोई उम्मीद है? महंगाई के इस दौर में आम लोगों के लिए यह चुनौती बन गई है कि वे कैसे अपने परिवार के लिए पोषणयुक्त और किफायती भोजन की व्यवस्था कर सकें।

slot server thailand super gacor

spaceman slot gacor

slot gacor 777

slot gacor

Nexus Slot Engine

bonus new member

olympus

situs slot bet 200

slot gacor

slot qris

link alternatif ceriabet

slot kamboja

slot 10 ribu

https://mediatamanews.com/

slot88 resmi

slot777

https://sandcastlefunco.com/

slot bet 100

situs judi bola

slot depo 10k

slot88

slot 777

spaceman slot pragmatic

slot bonus

slot gacor deposit pulsa

rtp slot pragmatic tertinggi hari ini

slot mahjong gacor

slot deposit 5000 tanpa potongan

mahjong

spaceman slot

https://www.deschutesjunctionpizzagrill.com/

spbo terlengkap

cmd368

368bet

roulette

ibcbet

clickbet88

clickbet88

clickbet88

bonus new member 100

slot777

https://bit.ly/m/clickbet88

https://vir.jp/clickbet88_login

https://heylink.me/daftar_clickbet88

https://lynk.id/clickbet88_slot

clickbet88

clickbet88

https://www.burgermoods.com/online-ordering/

https://www.wastenotrecycledart.com/cubes/

https://dryogipatelpi.com/contact-us/

spaceman slot gacor

ceriabet link alternatif

ceriabet rtp

ceriabet

ceriabet link alternatif

ceriabet link alternatif

ceriabet login

ceriabet login

cmd368

sicbo online live