LATEST NEWS

फिलिस्तीन में अब तक इजरायल के हमलों से 50 हजार लोग मारे जा चुके, कई शीर्ष कमांडर भी शामिल

 गाजा इजरायल और हमास के बीच करीब 6 सप्ताह तक सीजफायर चला। इस दौरान इजरायल ने फिलिस्तीन के सैकड़ों कैदियों को रिहा किया तो करीब 150 बंधकों को हमास ने भी छोड़ा। इन लोगों को हमास ने 7 अक्टूबर 2023 को किए भीषण हमले में अगवा कर लिया था। इसके बाद से ही वे बंधक थे। अब भी करीब 60 बंधकों के हमास के पास ही होने की खबरें हैं। लेकिन सीजफायर आगे बढ़ाने पर कोई बात नहीं बनी तो इजरायल ने फिर से हमले तेज कर दिए हैं। बीते 3 से 4 दिनों में ही इजरायल ने गाजा में ताबड़तोड़ हमले किए हैं, जिनमें 500 लोगों की मौत हुई है। इसके अलावा रविवार को ही उसने गाजा पर फिर से कई हवाई हमले किए, जिसमें 51 लोग मारे गए। इन हमलों में इजरायल का एक शीर्ष कमांडर भी मारा गया है। अब तक मिली जानकारी के अनुसार इजरायल के हमलों में रविवार को 51 लोग मरे, जिनमें से एक इजरायल के राजनीतिक विंग का सदस्य इस्माइल बरहूम भी शामिल है। वह खान यूनिस शहर के नासिर अस्पताल में इलाज करा रहा था। इसी दौरान इजरायल ने हमला किया, जिसमें वह मारा गया। इसके अलावा लेबनान में भी इजरायल ने हमले किए हैं, जिनमें 8 लोग मारे गए हैं। हालांकि लेबनान में सक्रिय उग्रवादी संगठन हिजबुल्लाह ने इजरायल के हमले की बात से इनकार किया है। दरअसल करीब डेढ़ साल तक अकेले हमास से लड़ने के बाद 4 महीनों से इजरायल ने हिजबुल्लाह को भी निशाने पर लेना शुरू किया है। फिलहाल इजरायल की ओर से गाजा में और सैनिक भेजने की तैयारी की जा रही है। बेंजामिन नेतन्याहू सरकार में इसे लेकर सहमति बन गई है और आने वाले कुछ दिनों इजरायली सैनिकों की बड़ी संख्या गाजा में डेरा डाल सकती है। सीजफायर के दौरान इजरायल ने अपने सैनिकों की संख्या को कम कर लिया था। गाजा की हेल्थ मिनिस्ट्री का कहना है कि फिलिस्तीन में अब तक इजरायल के हमलों से कुल 50 हजार लोग मारे जा चुके हैं। यही नहीं एक्सपर्ट्स का कहना है कि आंकड़ा इससे ज्यादा का ही है क्योंकि बहुत सारे शवों की तो गिनती तक नहीं हो सकी है। ईरान के तीन हथियार- हूती, हिजबुल्लाह और हमास वहीं मध्य पूर्व में अमेरिका की सक्रियता भी लगातार बढ़ी हुई है। उसने यमन में सक्रिय विद्रोही संगठन हूती पर फिर से हमले किए हैं। दरअसल हूती विद्रोही संगठन लगातार यमन की खाड़ी में जहाजों को टारगेट कर रहा था। ऐसा करने के पीछे उसकी कोशिश थी कि जंग रोकने के लिए इजरायल पर दबाव बनेगा। लेकिन अब अमेरिका ने ही मोर्चा संभाल लिया है। हूती, हिजबुल्लाह और हमास का ईरान समर्थित संगठन माना जाता है। ये तीनों ही इजरायल के कट्टर दुश्मन हैं और मध्य पूर्व में ईरान के एजेंडे को मजबूत करते हैं।

पहले कोर्ट में प्रेमिका से कोर्ट मैरिज, रात में परिवार वालों को खुश करने को ‘दूसरी’ संग सात फेरे

गोरखपुर गोरखपुर में रहने वाले एक युवक ने एक ही दिन में दो शादियां कर लीं। प्रेमिका के साथ दिन में कोर्ट मैरेज और रात में घरवालों के कहने पर दूसरी युवती से ब्याह रचा लिया। दूसरी शादी करने के बाद प्रेमिका से किनारा कर लिया। दो दिन बाद प्रेमिका को जब यह पता चला कि युवक ने दूसरी शादी कर ली है तो वह उसके घर पहुंच गई। उसकी बातें सुनने के बाद घरवालों ने उसके चरित्र पर लांछन लगाते हुए घर से भगा दिया। उसकी शिकायत पर एसपी नार्थ ने इलाका पुलिस से जांच कर दो दिन में रिपोर्ट मांगी है। हरपुर बुदहट इलाके की युवती का गांव के पास के ही बिरादरी के एक युवक से प्रेम संबंध था। करीब चार वर्ष बाद दोनों ने मंदिर में शादी की और फिर लिवइन में रहने लगे, लेकिन घरवालों को इसकी जानकारी नहीं दी। इस बीच युवक के घरवालों ने उसकी शादी दूसरी जगह तय कर दी। युवक को इसकी जानकारी हुई तो उसने अपनी प्रेमिका से यह बात साझा की और कहा कि घरवालों का दबाव है। उधर, घरवालों ने शादी की तारीख भी तय कर दी। इसकी जानकारी प्रेमिका को हो गई तो युवक ने उसे एक बार फिर झांसे में लिया। उसने कहा, शादी से पहले ही कोर्ट मैरेज कर लेते हैं और इसकी जानकारी घरवालों को देने पर वे हम लोगों के रिश्ते को मानने पर मजबूर हो जाएंगे। कोर्ट मैरेज की तारीख भी वही तय हुई, जिस दिन घरवालों ने उसकी शादी निश्चित की थी। सुबह कोर्ट खुलते ही युवक ने प्रेमिका से कोर्ट मैरेज की और दोनों घर चले आए। इसके बाद वह घरवालों को समझाने की बात कहते हुए युवक प्रेमिका के घर से निकला और शाम को दूसरी शादी करने पहुंच गया। 15 दिन तक प्रेमिका से उसकी बातचीत नहीं हुई। इस पर वह पता करते हुए युवक के घर पहुंच गई और मामला खुलकर सामने आ गया। दो बार गर्भपात कराया, जन्मा बच्चा नर्स को दिया युवती का आरोप है कि दोनों लिव इन में थे। इसी बीच दो बार गर्भपात कराया। तारामंडल स्थित एक नर्सिंगहोम में उसने एक बच्चे को जन्म दिया, लेकिन उसे युवक ने नर्स को दे दिया। पूछने पर बताया कि हम लोग अकेले रहते हैं, बच्चे के थोड़ा बड़ा होने पर लेकर आएंगे। वह बच्चा कहां है, यह युवती को नहीं पता है।  

पीएम की सभा के लिए तैयारी शुरू, 55 एकड़ में सभा स्थल, 5 हेलीपेड, 120 सेक्टर में बैठने की व्यवस्था

बिलासपुर बिलासपुर के मोहभट्ठा में 30 मार्च को करीब 100 एकड़ में प्रधानमंत्री की सभा होने की तैयारी शुरू हो गई है. इसमें 55 एकड़ में सभा स्थल और शेष में पार्किंग की व्यवस्था रहेगी. रूट चार्ट के अनुसार अलग-अलग रूट के लिए पार्किंग की कलर कोडिंग कर जिलेवार आरक्षित रखे गए हैं. प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की सभा में राज्यपाल और मुख्यमंत्री भी शामिल होंगे. इसका ध्यान रखते हुए सभा स्थल में पांच हेलीपेड तैयार किए जा रहे है. इसमें प्रधानमंत्री एवं उनके स्टॉफ के उतरने के लिए स्थल के किनारे तीन हेलीपेड लगभग तैयार हो गए हैं. वहीं स्थल के एक किनारे पर दो और हेलीपेड बनाये जा रहे हैं. जो राज्यपाल एवं मुख्यमंत्री के लिए है. गर्मी के साथ बारिश को ध्यान में रखते हुए हो रही तैयारी आमसभा के दौरान प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की सुरक्षा प्रोटोकॉल का पालन करते हुए लोगों की सुविधाओं का ध्यान रखा जाएगा. बदलते मौसम का भी ध्यान रखा जा रहा है. तेज गरमी के साथ बरसात की स्थिति को देखते हुए तैयारी किए जाने को कहा गया है. दो लाख लोग PM मोदी को सुनने पहुंचेंगे प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की सभा में बिलासपुर के साथ राज्य भर से लोग प्रधानमंत्री को सुनने के लिए पहुंचेंगे. इनकी संख्या करीब दो लाख तक पहुंचने की संभावना है. पीएम के आने-जाने से हितग्राहियों को किसी तरह की परेशानी न हो इसका ध्यान रखने को कहा गया है. वहीं सुरक्षा प्रोटोकाल के चलते दो-तीन घण्टे पहले हितग्राहियों को पहुंचना होगा. 120 सेक्टर में होगी बैठने की व्यवस्था सभास्थल में सभी डोम मिलाकर 120 सेक्टर में लोगों के बैठने की व्यवस्था होगी. प्रत्येक सेक्टर में 1000 से 1500 लोगों के बैठने की व्यवस्था होगी. उनके पानी, नाश्ता, दवा और साफ-सफाई से जुड़े लगभग 7 कर्मचारी सहयोग करेंगे. चूंकि लोग 4-5 घण्टे तक सभास्थल पर ठहरेंगे, इसलिए लगभग 150 पक्के टॉयलेट भी निर्मित किए जा रहे है. 25 मार्च के बाद सभास्थल की ब्राण्डिंग एवं फिनिशिंग का कार्य किया जाएगा.

मध्य प्रदेश विधानसभा के बजट सत्र का सोमवार को अंतिम दिन, अब तक के सबसे ज्यादा ध्यानाकर्षण लगाए

भोपाल मध्य प्रदेश विधानसभा के बजट सत्र का सोमवार को अंतिम दिन है। सत्र की 9वीं बैठक में 18 विधायकों ने ध्यानाकर्षण लगाए हैं। यह अब तक के सबसे ज्यादा ध्यानाकर्षण हैं। विधायक हेमंत कटारे माध्यमिक शिक्षा मंडल में कम्प्यूटर खरीदी में अनियमितता किए जाने की ओर स्कूल शिक्षा मंत्री का ध्यान आकर्षित करेंगे। इसके अलावा डॉ. अभिभाष पांडे ने जबलपुर में नगर निगम द्वारा लीज फ्री होल्ड में संपरिवर्तन की प्रक्रिया मनमाने ढंग से किए जाने की ओर नगरीय विकास एवं आवास मंत्री का ध्यान आकर्षित करेंगे। इसके अलावा सदस्यों ने सतना मेडिकल कॉलेज की डिजाइन में बदलाव, प्रदेश में वन की सुरक्षा के पर्याप्त इंतजाम नहीं होने, जबलपुर में स्थापित डेयरी साइंस कॉलेज को उज्जैन शिफ्ट किए जाने, कटनी जिले में बरही से मैहर सड़क मार्ग पर स्थित महानदी पर पुल क्षतिग्रस्त होने, प्रधानमंत्री फसल बीमा योजनान्तर्गत मौसम आधारित फसल बीमा राशि न मिलने से उत्पन्न स्थिति समेत अन्य मुद्दों पर ध्यानाकर्षण लगाया गया है। विधायकों ने 75 याचिकाएं लगाई गई हैं। सदन में सहकारिता मंत्री मध्य प्रदेश सहकारी सोसायटी (संशोधन) विधेयक, 2025 और नगरीय विकास एवं आवास मंत्री नगर तथा ग्राम निवेश (संशोधन) विधेयक-2025 को पटल पर रखेंगे।  

मुंबई- अहमदाबाद बुलेट ट्रेन काम के बीच हादसा, रेलवे रूट बाधित, देखें कैंसल ट्रेनों की लिस्ट

मुंबई  देर रात अहमदाबाद के वटवा के पास मुंबई-अहमदाबाद बुलेट ट्रेन परियोजना के निर्माण के दौरान एक सेगमेंटल लॉन्चिंग गांत्री (Segmental Launching Gantry) फिसलकर गिर गई। यह हादसा रात करीब 11:00 बजे हुआ, जिससे मुंबई-अहमदाबाद रेलवे मार्ग पर ट्रेनों का संचालन प्रभावित हुआ। हादसे के कारण कई ट्रेनों को रद्द, डायवर्ट या शॉर्ट-टर्मिनेट किया गया है। सूत्रों के अनुसार, यह गैंट्री को एक कंक्रीट गार्डर लॉन्च करने के बाद पीछे हटाया जा रहा था, तभी बैलेंस बिगड़ा और गिर गई। इस दुर्घटना में कोई हताहत नहीं हुआ है। हादसे से बुलेट ट्रेन के निर्माणाधीन वायाडक्ट को कोई नुकसान नहीं हुआ है, लेकिन इससे पास की रेलवे पटरियों को हल्की क्षति पहुंची, जिससे रेलवे संचालन प्रभावित हुआ। रेलवे यातायात बाधित, कई ट्रेनें रद्द और डायवर्ट गैंट्री गिरने के बाद वटवा-अहमदाबाद डाउन-लाइन प्रभावित हुई है, जिससे कुछ ट्रेनें अप-लाइन से चलाई जा रही हैं। रेलवे प्रशासन ने तुरंत एक्सीडेंट रिलीफ ट्रेन (ART) रवाना की और नेशनल हाई-स्पीड रेल कॉर्पोरेशन लिमिटेड (NHSRCL) के वरिष्ठ अधिकारी, पुलिस और दमकल विभाग की टीम मौके पर पहुंच गई। कई ट्रेनें रद्द, शॉर्ट-टर्मिनेट और डायवर्ट रद्द की गई ट्रेनें (24/03/2025) -ट्रेन संख्या 12931 (मुंबई सेंट्रल – अहमदाबाद) डबल डेकर एक्सप्रेस -ट्रेन संख्या 19033 (वलसाड – अहमदाबाद) गुजरात क्वीन -ट्रेन संख्या 22953 (मुंबई सेंट्रल – अहमदाबाद) गुजरात सुपरफास्ट एक्सप्रेस -ट्रेन संख्या 20959 (वलसाड – वडनगर) वडनगर सुपरफास्ट एक्सप्रेस शॉर्ट-टर्मिनेट और डायवर्ट की गई ट्रेनें -ट्रेन संख्या 19417 (मुंबई सेंट्रल – अहमदाबाद) को वडोदरा जंक्शन (BRC) पर शॉर्ट-टर्मिनेट किया गया। -ट्रेन संख्या 14702 (बांद्रा टर्मिनस – श्रीगंगानगर) अरावली एक्सप्रेस को वडोदरा जंक्शन (BRC) – रतलाम (RTM) – चंदेरिया (CNA) – अजमेर जंक्शन (AII) के रास्ते डायवर्ट किया गया है। यात्रियों की सहायता के लिए मुंबई सेंट्रल, बांद्रा टर्मिनस, बोरिवली, उधना जंक्शन और सूरत रेलवे स्टेशन पर हेल्प डेस्क स्थापित किए गए हैं। अधिकारियों की सतर्कता, जांच जारी NHSRCL ने आश्वासन दिया है कि बुलेट ट्रेन वायाडक्ट को कोई नुकसान नहीं हुआ है और जल्द से जल्द रेलवे परिचालन सामान्य करने के प्रयास जारी हैं। NHSRCL ने बताया, ’23/03/2025 को रात 11 बजे वटवा (अहमदाबाद के पास) में वायाडक्ट निर्माण में उपयोग की जा रही एक सेगमेंटल लॉन्चिंग गांत्री कंक्रीट गार्डर स्थापित करने के बाद पीछे हट रही थी, तभी वह फिसलकर गिर गई। इस घटना से पास की रेलवे लाइन प्रभावित हुई है। NHSRCL के वरिष्ठ अधिकारी, पुलिस और दमकल विभाग के अधिकारी मौके पर निगरानी कर रहे हैं। इस दुर्घटना में कोई हताहत नहीं हुआ और निर्माणाधीन संरचना को कोई नुकसान नहीं पहुंचा है।’ फिलहाल रेलवे अधिकारी और NHSRCL की टीम प्रभावित सेक्शन को जल्द से जल्द क्लियर करने और संचालन सामान्य करने में जुटी है। मुंबई-अहमदाबाद रूट पर यात्रा कर रहे यात्रियों को अपडेटेड शेड्यूल चेक करने की सलाह दी गई है।

नागपुर हिंसा: दंगा भड़कने के मामले में रशासन का ऐक्शन, मास्टरमाइंड फहीम खान के घर चला बुलडोजर

नागपुर नागपुर में बीते सप्ताह दंगा भड़क गया था। इसमें एक दर्जन पुलिसकर्मी घायल हुए थे और करीब इतने ही नागरिक जख्मी हो गए थे। इस दौरान बड़ी संख्या में सड़कों पर खड़ी गाड़ियों को आग के हवाले कर दिया गया था, जबकि दुकानों पर भी तोड़फोड़ हुई थी। पुलिस का कहना है कि इस हिंसा का मास्टरमाइंड फहीम खान नाम का शख्स था, जिसके घर पर आज बुलडोजर चला है। नागपुर महानगरपालिका की टीम सुबह ही बुलडोजर लेकर फहीम खान के घर पर पहुंच गई। इस दौरान बड़े पैमाने पर सुरक्षाकर्मियों को तैनात किया गया था। फहीम खान पेशे से बुर्का विक्रेता है। माना जा रहा है कि उसने कुछ वीडियो जारी किए थे और उत्तेजक बयान दिए थे, जिससे लोग भड़के और उन्होंने नागपुर शहर में उपद्रव काट दिया। फहीम खान को पुलिस ने बीते मंगलवार को ही अरेस्ट कर लिया था और उसे अदालत में पेश किया गया था। फहीम खान समेत कुल 6 लोगों के खिलाफ पुलिस ने देशद्रोह का मुकदमा दर्ज किया था। फहीम खान माइनॉरिटी डेमोक्रेटिक पार्टी नाम के दल का शहर प्रमुख रहा है। वह कई बार पुलिस को लेकर भी आपत्तिजनक टिप्पणी करता रहा है। वह हिंदू पुलिस जैसी टिप्पणी करता रहा है। प्रशासन ने फहीम खान के घर के उस हिस्से को ढहाया है, जो अतिक्रमण करके बना था और अवैध पाया गया। इसके अलावा अन्य हिस्से के साथ कोई छेड़छाड़ नहीं की गई है। नागपुर के महल इलाके में यह हिंसा हुई थी, जहां राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ का मुख्यालय भी स्थित है। आरएसएस का दफ्तर हिंसा वाले इलाके से थोड़ी ही दूर पर स्थित है। नागपुर महानगरपालिका ने कुछ दिन पहले ही फहीम खान के परिवार को नोटिस भेजा था। इसमें पालिका ने बताया था कि कैसे उसका घर नियमों का उल्लंघन करके बना है। घर बनाने से पहले अथॉरिटी से नक्शा भी पास नहीं कराया गया था। नागपुर के यशोधरा नगर स्थित संजय बाग कॉलोनी में फहीम खान का घर है। बता दें कि फहीम खान अभी जेल में ही बंद है और इधर प्रशासन ने उसके घर पर बुलडोजर चलाया है। किस अफवाह पर 17 मार्च को भड़का था नागपुर में दंगा फहीम खान को 17 मार्च को हुई हिंसा का मास्टरमाइंड माना जा रहा है। यह हिंसा विश्व हिंदू परिषद के प्रदर्शन के दौरान हुई थी, जब मुस्लिम समाज के भी तमाम लोग प्रदर्शन के सामने आए गए थे। दरअसल अफवाह थी कि वीएचपी के प्रदर्शन के दौरान एक कपड़ा जलाया गया है, जिसमें कुरान की आयतें लिखी थीं। इसी अफवाह के चलते भड़के लोगों ने हमला बोला था।

मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता मंगलवार को बजट पेश करेंगी, आज से दिल्ली का बजट सत्र शुरू

नई दिल्ली दिल्ली बजट पेश किए जाने से पहले खीर सेरेमनी हुई. मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने भगवान राम को भोग लगाया. इस तरह की सेरेमनी पहली बार हुई है. इसके बाद कल यानी 25 मार्च को दिल्ली का बजट पेश होना है. इसके अलावा, जिन लोगों ने बजट के सुझाव दिए हैं, उन्हें खीर दिया जाएगा. एक तरफ दिल्ली की सीएम रेखा गुप्ता दिल्ली बजट के लिए “खीर समारोह” कर रही हैं, वहीं दूसरी तरफ AAP विधायक दिल्ली विधानसभा के अंदर विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं. वे दिल्ली सरकार से पूछ रहे हैं कि महिला लाभार्थियों को 2500 रुपये प्रति माह कब मिलेंगे? दिल्ली का बजट कैसे तय होता है? दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता मंगलवार को बजट पेश करेंगी. आज यानी सोमवार से दिल्ली का बजट सत्र शुरू होगा जो 28 मार्च तक चलेगा. सीएम रेखा गुप्ता ने दिल्ली के बजट की रूपरेखा बताई है. उन्होंने इस बजट को ‘विकसित दिल्ली बजट’ करार दिया और बताया कि इसका मुख्य उद्देश्य महिलाओं के आर्थिक सशक्तिकरण, बेहतर शिक्षा और स्वास्थ्य सेवाएं, इंफ्रास्ट्रक्चर में सुधार, प्रदूषण और जलभराव की समस्याओं पर ध्यान केंद्रित करना होगा. ऐसे में ये जानना जरूरी है कि आखिर दिल्ली का बजट कैसे तय होता है, केंद्र से इसके लिए कितनी मदद मिलती है और दिल्ली की आमदनी के सोर्स क्या हैं? दिल्ली एक केंद्रीय शासित क्षेत्र है, जिसका प्रशासन केंद्र और राज्य दोनों द्वारा साझा किया जाता है. दिल्ली के बजट को राज्य सरकार द्वारा तैयार किया जाता है, लेकिन इस पर केंद्र सरकार का भी प्रभाव होता है. यह दिल्ली सरकार के खर्चों और आमदनी से संबंधित होता है. इसमें मुख्य रूप से राज्य के विकास कार्य, शिक्षा, स्वास्थ्य, परिवहन, पुलिस, और अन्य बुनियादी सेवाओं के लिए धन आवंटित किया जाता है. केंद्र से कितनी मदद मिलती है? दिल्ली को केंद्र से मिलने वाली वित्तीय मदद केंद्र सरकार की नीतियों और योजनाओं पर निर्भर करती है. केंद्र से प्राप्त होने वाली मदद का मुख्य स्रोत केंद्रीय योजनाएं और फंडिंग होती हैं. केंद्र सरकार के कई प्रमुख योजनाओं, जैसे स्वच्छ भारत मिशन, प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत दिल्ली को मदद मिलती है.  

सीएम योगी अफवाह फैलाने वालों और शरारतपूर्ण बयान देने वालों के खिलाफ जीरो टॉलरेंस की नीति अपनाने का आदेश दिया

लखनऊ आगामी चैत्र नवरात्रि, रामनवमी, ईद-उल-फितर, बैशाखी जैसे प्रमुख पर्वों को ध्यान में रखते हुए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से कानून व्यवस्था की समीक्षा बैठक की. मुख्यमंत्री ने सभी अधिकारियों को सतर्क रहने के निर्देश दिए और कहा कि परंपरा के विपरीत कोई भी कार्य न किया जाए. मुख्यमंत्री ने कहा कि धार्मिक आयोजनों के दौरान सड़क मार्ग बाधित न हो, इसके लिए पुख्ता इंतजाम किए जाएं. मुख्यमंत्री ने स्पष्ट निर्देश दिए कि अराजकता फैलाने वाले तत्वों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए. उन्होंने कहा कि त्योहारों के दौरान शोभायात्राएं, मेले और धार्मिक आयोजन होते हैं, जिससे यह समय संवेदनशील हो जाता है. इसलिए सभी प्रशासनिक और पुलिस अधिकारियों को चौकसी बढ़ाने और सतत निगरानी रखने की जरूरत है. उन्होंने अफवाह फैलाने वालों और शरारतपूर्ण बयान देने वालों के खिलाफ ज़ीरो टॉलरेंस की नीति अपनाने का आदेश दिया. शांति और सौहार्दपूर्ण माहौल बनाए रखने पर जोर न्यूज एजेंसी की मुताबिक मुख्यमंत्री ने कहा कि पिछले 10 वर्षों में केंद्र सरकार और प्रदेश सरकार के नेतृत्व में सभी धर्म-सम्प्रदायों के पर्व शांतिपूर्ण वातावरण में संपन्न हुए हैं. इस क्रम को बनाए रखने के लिए हरसंभव प्रयास किए जाएं. उन्होंने निर्देश दिया कि पर्वों के दौरान जनता को सभी आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएं. विशेष रूप से ईद के अवसर पर साफ-सफाई, स्वच्छता, और पेयजल व्यवस्था की पुख्ता तैयारी करने को कहा. साथ ही, अलविदा की नमाज़ के दौरान विशेष सतर्कता बरतने के निर्देश दिए. सुरक्षा व्यवस्था को लेकर विशेष निर्देश मुख्यमंत्री ने कहा कि संवेदनशील क्षेत्रों को चिह्नित कर वहां अतिरिक्त पुलिस बल की तैनाती की जाए. उन्होंने पुलिस फुट पेट्रोलिंग बढ़ाने, पीआरवी 112 को सक्रिय रखने और सोशल मीडिया पर निगरानी रखने के निर्देश दिए. किसी भी प्रकार की अफवाहों पर तुरंत कार्रवाई करने और जनता को सकारात्मक संदेश देने की अपील की गई. मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को पीस कमेटी की बैठकें समय रहते आयोजित करने और मीडिया के सहयोग से शांति और सौहार्द का वातावरण बनाए रखने को कहा. उन्होंने कहा कि संवाद और त्वरित कार्यवाही अप्रिय घटनाओं को रोकने में सहायक होती है. धर्मगुरुओं और समाज के प्रतिष्ठित लोगों से संवाद करें अधिकारी मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सभी थाना, सर्किल, जिला, रेंज, जोन और मंडल स्तर के अधिकारियों को निर्देश दिए कि वे अपने क्षेत्र के धर्मगुरुओं और समाज के प्रतिष्ठित व्यक्तियों से संवाद स्थापित करें. उन्होंने कहा कि छोटी-सी अफवाह भी माहौल बिगाड़ सकती है, इसलिए पुलिस और प्रशासन को पूरी तरह सतर्क रहना होगा. श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए विशेष इंतजाम मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि रामनवमी पर अयोध्या और चैत्र नवरात्रि के अवसर पर मां विंध्यवासिनी धाम, देवीपाटन धाम, सहारनपुर में मां शाकुम्भरी धाम और सीतापुर में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ती है. ऐसे में सुशासन और सुव्यवस्था का उदाहरण प्रस्तुत किया जाना चाहिए. उन्होंने भीड़ प्रबंधन को लेकर बेहतर योजना बनाने के निर्देश दिए.मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रमुख धार्मिक स्थलों को आकर्षक ढंग से सजाया जाए. साथ ही, गर्मी के मद्देनजर श्रद्धालुओं के लिए पेयजल, छाया, मैट आदि की विशेष व्यवस्था की जाए. देवी स्थलों पर महिला पुलिसकर्मियों की विशेष तैनाती के निर्देश भी दिए गए. उन्होंने सभी आपातकालीन सेवाओं को अलर्ट मोड में रखने, एम्बुलेंस को तैयार रखने और स्वास्थ्य सेवाओं को सतर्क रहने का निर्देश दिया. मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि प्रशासन और पुलिस विभाग को पूरी तत्परता से कार्य करना होगा ताकि प्रदेश में सभी त्योहार शांति, सौहार्द और उल्लास के साथ संपन्न हो सकें.  

मुख्यमंत्री ने जामसांवली में की चमत्कारिक हनुमानजी की पूजा-अर्चना

प्रदेश में हो रहा है तेजी से विकास : मुख्यमंत्री डॉ.यादव मुख्यमंत्री ने जामसांवली में की चमत्कारिक हनुमानजी की पूजा-अर्चना भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के कुशल निर्देशन में सभी क्षेत्रों में विकास के कार्य तेजी से हो रहे है। विकास के कीर्तिमान स्थापित हुये हैं मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि जामसांवली सहित प्रदेश में 13 अलग-अलग लोक के निर्माण कार्य से धार्मिक एवं पर्यटन क्षेत्र को बढ़ावा मिलेगा। हनुमान लोक का प्रथम चरण का कार्य मई तक पूर्ण करने का लक्ष्य है और द्वितीय चरण में शीघ्र ही हनुमान लोक के विकास के कार्य होंगे। उन्होंने कहा कि मध्यप्रदेश में प्रत्येक वर्ग के कल्याण के कदम उठाए गए हैं। पांढुर्णा में सभी विकास कार्य होंगे, जिससे जिले में औद्योगिक विकास होगा और रोजगार के अवसर भी बढ़ेंगे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने गुड़ी पडवा (नये विक्रम संवत) की शुभकामनाएँ देते हुये कहा कि नये साल में पांढ़ुर्णा के विकास को प्राथमिकता से किया जाएगा। । मुख्यमंत्री डॉ. यादव शनिवार को पांढुर्ना में चमत्कारिक हनुमानजी के मंदिर परिसर जामसांवली में आयोजित कार्यक्रम में शामिल हुए। सभी वर्गों के कल्याण के लिये प्रतिबद्ध सरकार : मुख्यमंत्री डॉ.यादव मुख्यमंत्री डॉ.यादव ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में लगातार विकास हो रहे हैं और सभी वर्गों के कल्याण के लिये सरकार प्रतिबद्ध है। उन्होंने कहा कि किसान, युवा, महिला और गरीबों के लिये सरकार प्राथमिकता से कार्य कर रही है। इस बार किसानों से 2600 रूपये प्रति क्विंटल गेहूं खरीदी जायेगी। साथ ही धान उत्पादन पर भी प्रोत्साहन राशि दी जा रही है। युवाओं को अधिक से अधिक संख्या में रोजगार देने का लक्ष्य है। लोकसेवा आयोग की परीक्षाएं जो रुकी थीं, वे सभी हो रही हैं। इसी प्रकार गरीबों के हित लिये भी लगातार कार्य किये जा रहे हैं। चमत्कारिक हनुमानजी का किया पूजन-अर्चन मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने जामसांवली में चमत्कारिक हनुमानजी का पूजन-अर्चन कर प्रदेश के कल्याण एवं सुख-समृद्धि की प्रार्थना की। उन्होंने कन्या-पूजन कर सभा को संबोधित किया। इस अवसर पर सांसद विवेक बंटी साहू, विधायक कमलेश शाह, पूर्व विधायक नाना भाउ मोहोड़, कलेक्टर अजय देव शर्मा, एसपी सुंदर सिंह कनेश, मंदिर ट्रस्ट कमेटी के अध्यक्ष गोपाल शर्मा, पं. रमेश दुबे, संतोष जैन, नरेन्द्र परमार सहित अन्य गणमान्य नागरिक सहित अन्य अधिकारी और आम जन उपस्थित थे।  

आरटीई : चार चरणों में मिले थे 3.34 लाख आवेदन, आज होगा सीट अलॉटमेंट

लखनऊ प्रदेश में निशुल्क एवं अनिवार्य शिक्षा अधिकार अधिनियम (आरटीई) के तहत चल रही प्रवेश प्रक्रिया में सीट अलॉटमेंट की जानकारी ऑनलाइन उपलब्ध नहीं है। अभिभावकों के मोबाइल फोन पर सीट अलॉटमेंट की जानकारी दी जाती है। कई अभिभावक सूचना न मिलने से परेशान हैं। आरटीई के तहत प्रदेश के लिए चार चरणों में आवेदन प्रक्रिया पूरी हो चुकी है। तीन चरणों का सीट अलॉटमेंट कर प्रवेश दिलाया जा रहा है। इसके बावजूद कई अभिभावक भटक रहे हैं। क्योंकि बच्चे को सीट अलॉट हो गई, लेकिन अभिभावक को इसकी जानकारी नहीं हुई। अभिभावकों ने बताया कि आवेदन करते समय साइबर कैफे वाले अपना फोन नंबर डाल देते हैं। इससे मैसेज उनको नहीं मिल पाती है। वहीं, कोई और ऐसा माध्यम नहीं है, जिससे सीट अलॉटमेंट की जानकारी मिल सके। इसके लिए अभिभावक बीएसए कार्यालय का चक्कर काट रहे हैं। तो वहां के कर्मचारी भी यह कहकर टरका देते हैं कि सीट अलॉटमेंट की जानकारी ऑनलाइन देखने का अधिकार सिर्फ बीएसए को है। जब वह आएंगे तो सीट अलॉटमेंट के बारे में पता चलेगा। इसलिए अभिभावक सीट अलॉटमेंट की जानकारी ऑनलाइन करने की मांग कर रहे हैं। वहीं, समग्र शिक्षा के उप निदेशक डॉ. मुकेश कुमार सिंह ने कहा कि बड़ी संख्या होने के कारण सीट अलॉटमेंट की सूचना ऑनलाइन नहीं की जाती है। संबंधित अभिभावक या बच्चे अपना परिणाम ही देख सकते हैं। अभिभावकों को मोबाइल फोन पर सीधे मैसेज जाता है। जिला स्तर पर डाटा देखने का अधिकार बीएसए व राज्य स्तर पर हमारे पास है। अगर संबंधित बच्चे को अपनी दूसरी प्राथमिकता पर प्रवेश लेना है तो बीएसए कार्यालय में संपर्क कर आवेदन कर सकते हैं। आरटीई के तहत अधिकाधिक बच्चों के दाखिले के लिए अभियान चलाया जा रहा है। चार चरणों में मिले 3.34 लाख आवेदन, आज होगा अलॉटमेंट आरटीई के तहत इस साल चार चरणों में आवेदन लिए गए। दिसंबर से अब तक चार चरणों में 3.34 लाख आवेदन मिले हैं। इनमें से तीन चरणों में 2.17 लाख आवेदन स्वीकृत हुए और 1.57 लाख बच्चों को सीट अलॉट की गई है। चौथे चरण के आवेदनों का सत्यापन किया जा रहा है, सीट अलॉटमेंट 24 मार्च को होगा।

सुप्रीम कोर्ट में भी अब एआई का इस्‍तेमाल, मौखिक दलीलें लिखना होगी आसान

नई दिल्ली देश की सर्वोच्‍च अदालत सुप्रीम कोर्ट में भी अब आर्टिफ‍िशियल इंटेलिजेंस यानी एआई का इस्‍तेमाल किया जा रहा है। भारत का सुप्रीम कोर्ट, न्यायिक प्रक्रिया को और बेहतर बनाने के लिए एआई और मशीन लर्निंग (ML) टूल्‍स का इस्‍तेमाल कर रहा है। इसकी मदद से कोर्ट के काम, केस फाइल करने और कानूनी अनुवाद में तेजी आने की उम्‍मीद है। जज भी कानूनी रिसर्च आसानी से कर पाएंगे। केंद्रीय मंत्री अर्जुन राम मेघवाल ने राज्यसभा में एक लिखित बयान में यह जानकारी दी। उन्होंने बताया कि सुप्रीम कोर्ट, AI और ML बेस्‍ड टूल्स का इस्तेमाल कर रहा है। इससे कोर्ट का काम और तेजी से होगा। बताया गया है कि एआई का इस्तेमाल संविधान पीठ के मामलों में मौखिक दलीलों को लिखने में किया जा रहा है। एआई की मदद से लिखी गई दलीलों को सुप्रीम कोर्ट की वेबसाइट पर देखा जा सकता है। यही नहीं, सुप्रीम कोर्ट की रजिस्ट्री भी नेशनल इन्‍फर्मेटिक्‍स सेंटर (एनआईसी) के साथ मिलकर एआई और एमएल बेस्‍ड टूल्स का इस्‍तेमाल कर रही है। इसका मकसद अंग्रेजी भाषा से 18 भारतीय भाषाओं जैसे- असमिया, बंगाली, गारो, गुजराती, हिंदी, कन्नड़, कश्मीरी, खासी, कोंकणी, मलयाली, मराठी, नेपाली, ओडिया, पंजाबी, संताली, तमिल, तेलुगु और उर्दू में फैसलों को ट्रांसलेट करना है। आईआईटी मद्रास की भी मदद बताया गया है कि हाल ही में 200 एडवोकेट-ऑन-रिकॉर्ड को प्रोटोटाइप तक पहुंच दी गई है, ताकि वो एआई टूल्‍स का इस्‍तेमाल कर पाएं। इसके अलावा, सुप्रीम कोर्ट की रजिस्ट्री भी आईआईटी मद्रास की मदद से एआई और मशीन लर्निंग (एमएल) टूल्स के प्रोटोटाइप्स का परीक्षण कर रही है। इन टूल्‍स को इलेक्ट्रॉनिक फाइलिंग मॉड्यूल और केस मैनेजमेंट सॉफ्टवेयर यानी इंटीग्रेटेड केस मैनेजमेंट एंड इंफॉर्मेशन सिस्टम (आईसीएमआईएस) के साथ इंटीग्रेट किया जाएगा। न्‍यायिक फैसलों को एआई का इस्‍तेमाल नहीं सरकार की तरफ से स्‍पष्‍ट किया गया है कि AI का इस्तेमाल न्यायिक फैसले लेने के लिए नहीं किया जा रहा है। अभी इसका इस्‍तेमाल सिर्फ संविधान पीठ की सुनवाई के दौरान कही गई बातों को लिखने में किया जा रहा है। आने वाले समय में इसे नियमित सुनवाई के दिनों में भी इस्तेमाल करने की योजना है। गौरतलब है कि एआई टूल्‍स अब हर जगह बड़े पैमाने पर इस्‍तेमाल हो रहे हैं। मेटा के मालिकाना हक वाला वॉट्सऐप में अपने ऐप में एआई टूल को राइटिंग के स्‍तर पर लाने वाला है। उसकी मदद से यूजर्स को अपना मैसेज लिखने में आसानी होगी। मैसेज रिराइट कराया जा सकेगा।

राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु ने विधानसभा परिसर में किया कदम्ब का पौधरोपण

रायपुर, छत्तीसगढ़ विधानसभा के रजत जयंती समारोह के अवसर पर आज राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु ने विधानसभा परिसर में कदम्ब का पौधरोपण किया। इस अवसर पर राज्यपाल रमेन डेका, मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय और विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह उपस्थित थे।

अभी लाडली बहना योजना की राशि बढ़ाने और नए नाम जोड़ने का कोई प्रस्ताव नहीं: महिला एवं बाल विकास मंत्री

भोपाल मध्य प्रदेश में लाडली बहना योजना को लेकर नई बहस शुरु हो गई है। महिला एवं बाल विकास मंत्री ने कहा है कि अभी योजना की राशि बढ़ाने और नए नाम जोड़ने का कोई प्रस्ताव नहीं है। इस बयान के बाद राज्य में हलचल मच गई है। साल 2023 में शुरू हुई इस योजना ने पिछले विधानसभा चुनाव में बीजेपी को फायदा पहुंचाया था। अब मंत्री के इस बयान से कांग्रेस सरकार पर हमलावर हो गई है। गेम चेंजर कहलाती है लाडली बहना योजना साल 2023 में मध्य प्रदेश में लाडली बहना योजना शुरू हुई थी। इस योजना का असर चुनावों में देखने को मिला। माना गया कि इस योजना से आधी आबादी यानी महिला वोटरों को साधा जा सकता है। इसके बाद देश के कई राज्यों में भी ऐसी योजनाएं शुरू हुईं या चुनावी वादों में शामिल की गईं। दिल्ली विधानसभा चुनाव इसका ताजा उदाहरण है। लेकिन जिस मध्य प्रदेश से यह योजना पूरे देश में फैली, वहीं से अब इस योजना को लेकर चौंकाने वाली जानकारी सामने आई है। विधानसभा में मंत्री ने दिया जवाब विधानसभा में एक सवाल के जवाब में महिला एवं बाल विकास मंत्री ने कहा कि अभी लाडली बहना योजना की राशि बढ़ाने और नई लाडली बहनों के नाम जोड़ने का कोई प्रस्ताव नहीं है। दरअसल, 2023 में मध्य प्रदेश में सीएम का चेहरा बदला। तब कांग्रेस ने योजना के भविष्य को लेकर सवाल उठाए थे। लेकिन मुख्यमंत्री मोहन यादव के कार्यकाल में भी लाडली बहना योजना बिना किसी परेशानी के चल रही है। हर महीने हितग्राही महिलाओं के बैंक खातों में 1250 रुपए की राशि डाली जा रही है। सीएम ने मंच से किया था ऐलान मुख्यमंत्री मोहन यादव ने हाल ही में देवास में कहा था कि वे इस योजना की राशि को 3 हजार रुपए प्रति महीना तक ले जाएंगे। लेकिन अब लाडली बहना योजना को लेकर जो जानकारी सामने आई है, उससे योजना एक बार फिर चर्चा में है। कांग्रेस विधायक ने पूछा था सवाल विधानसभा सत्र में कांग्रेस विधायक प्रताप ग्रेवाल के सवाल के जवाब में सरकार ने बताया कि वर्तमान में लाडली बहना योजना की राशि बढ़ाने की कोई योजना नहीं है। कांग्रेस के सरदारपुर विधायक प्रताप ग्रेवाल ने विधानसभा में लाडली बहना योजना को लेकर लिखित सवाल पूछे थे। महिला विकास मंत्री ने दिए जवाब सरकार की तरफ से जवाब देते हुए महिला एवं बाल विकास मंत्री निर्मला भूरिया ने बताया कि जांच के बाद 35 महिलाओं को अपात्र पाया गया। इसलिए उनके नाम योजना से काटे गए हैं। 15748 महिलाओं के नाम उनकी मृत्यु के बाद योजना से काटे गए हैं। 60 साल की उम्र पूरी करने वाली 3 लाख 19 हजार 991 महिलाओं के नाम नियमानुसार पोर्टल से अपने आप हट गए हैं। इस प्रक्रिया के बारे में जानकारी योजना शुरू करते समय ही दे दी गई थी। राशि बढ़ाने का कोई विचार नहीं वहीं, योजना की राशि बढ़ाने को लेकर जवाब देते हुए महिला एवं बाल विकास मंत्री निर्मला भूरिया ने कहा कि लाडली बहना योजना के तहत राशि को 3000 रुपए तक करने का वर्तमान में विभाग स्तर पर कोई भी प्रस्ताव विचाराधीन नहीं है। साथ ही सरकार ने यह भी बताया कि लाडली बहना योजना में नए हितग्राही जोड़ने का वर्तमान में प्रस्ताव विचाराधीन नहीं है। कांग्रेस ने बताया जनता के साथ धोखा हालांकि, इस जवाब को लेकर कांग्रेस ने सरकार पर सवाल उठाए हैं और लाखों महिलाओं के साथ धोखा बताया है। नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार ने कहा कि लाड़ली बहनों के साथ धोखा किया गया है। उन्हें 3 हजार रुपये देने का वादा किया गया था, लेकिन फिलहाल ऐसा कोई प्रस्ताव सरकार के पास विचाराधीन नहीं है और यह बात खुद मंत्री ने स्वीकार की है। इसके अलावा लंबे समय से लाडली बहना के रजिस्ट्रेशन बंद हैं, जिससे पात्र होने के बाद भी महिलाओं के नाम नहीं जोड़े जा रहे हैं। इससे साफ होता है कि योजना का सहारा सिर्फ चुनाव जीतने के लिए लिया गया था।

राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु का राज्यपाल रमेन डेका और मुख्यमंत्री साय

रायपुर, राष्ट्रपति श्रीमती द्रौपदी मुर्मु का आज छत्तीसगढ़ आगमन पर स्वामी विवेकानंद एयरपोर्ट रायपुर में राज्यपाल रमेन डेका, मुख्यमंत्री विष्णु देव साय, केंद्रीय राज्य मंत्री  तोखन साहू, उपमुख्यमंत्री द्वय  अरुण साव एवं विजय शर्मा, सांसद श्री बृजमोहन अग्रवाल, महापौर मीनल चौबे,  रमेश बैस, सरोज पाण्डे, गौरीशंकर अग्रवाल, शिवरतन शर्मा सहित अन्य जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों ने स्वागत किया।

बिना टिकट यात्री और स्टॉल्स पर ठोका ₹79,600 का जुर्माना, रेलवे मजिस्ट्रेट की सख्त कार्रवाई

भोपाल भोपाल मंडल के संत हिरदाराम नगर रेलवे स्टेशन पर रेलवे मजिस्ट्रेट द्वारा विशेष जांच अभियान चलाया गया। इस अभियान का नेतृत्व रेलवे मजिस्ट्रेट श्री अनुराग खरे ने किया, जिनके साथ डीसीटीआई श्री फांसी चाको, 5 टिकट चेकिंग स्टाफ और 12 आरपीएफ स्टाफ उपस्थित रहे। इस विशेष अभियान के दौरान रेलवे स्टेशन परिसर और वहां स्थित स्टॉल्स का गहन निरीक्षण किया गया। निरीक्षण के दौरान यात्रियों के टिकटों की गहन जांच की गई, जिसमें 32 मामलों में बिना टिकट यात्रा करने पर कुल ₹13,990 का जुर्माना वसूला गया। इसके अतिरिक्त, रेलवे मजिस्ट्रेट द्वारा स्टॉल्स एवं स्टेशन परिसर में विभिन्न अनियमितताओं के तहत 78 मामलों में कार्रवाई कर कुल ₹65,610 का जुर्माना लगाया गया। इस प्रकार, इस विशेष अभियान में कुल ₹79,600 का जुर्माना वसूला गया। रेलवे मजिस्ट्रेट द्वारा इस कार्रवाई के तहत प्रमुख रूप से निम्न प्रकार के मामलों में जुर्माना लगाया गया धारा 137 के तहत बिना टिकट यात्रा करने, धारा 144 के तहत अवैध रूप से खाद्य सामग्री बेचने, धारा 141 के तहत अवैध रूप से चेन पुलिंग करने, धारा 145 के तहत स्टेशन परिसर में गंदगी फैलाने, धारा 147 के तहत बिना प्लेटफार्म टिकट के स्टेशन परिसर में पाए जाने, धारा 155 के तहत विकलांग कोच में अवैध रूप से यात्रा करने, धारा 159 के तहत नो पार्किंग क्षेत्र में वाहन खड़ा करने पर कार्रवाई की गई। वरिष्ठ मंडल वाणिज्य प्रबंधक श्री सौरभ कटारिया ने बताया कि इस तरह के विशेष जांच अभियान समय-समय पर आयोजित किए जाते हैं ताकि रेलवे परिसर को सुव्यवस्थित, स्वच्छ एवं सुरक्षित रखा जा सके। उन्होंने यात्रियों से अपील की कि वे यात्रा के दौरान रेलवे नियमों का पालन करें और बिना टिकट यात्रा एवं अवैध गतिविधियों से बचें। रेल प्रशासन द्वारा भविष्य में भी इस तरह के अभियान जारी रखे जाएंगे ताकि यात्रियों को सुरक्षित और सुविधाजनक यात्रा का अनुभव प्राप्त हो सके।  

slot server thailand super gacor

spaceman slot gacor

slot gacor 777

slot gacor

Nexus Slot Engine

bonus new member

olympus

situs slot bet 200

slot gacor

slot qris

link alternatif ceriabet

slot kamboja

slot 10 ribu

https://mediatamanews.com/

slot88 resmi

slot777

https://sandcastlefunco.com/

slot bet 100

situs judi bola

slot depo 10k

slot88

slot 777

spaceman slot pragmatic

slot bonus

slot gacor deposit pulsa

rtp slot pragmatic tertinggi hari ini

slot mahjong gacor

slot deposit 5000 tanpa potongan

mahjong

spaceman slot

https://www.deschutesjunctionpizzagrill.com/

spbo terlengkap

cmd368

368bet

roulette

ibcbet

clickbet88

clickbet88

clickbet88

bonus new member 100

slot777

https://bit.ly/m/clickbet88

https://vir.jp/clickbet88_login

https://heylink.me/daftar_clickbet88

https://lynk.id/clickbet88_slot

clickbet88

clickbet88

https://www.burgermoods.com/online-ordering/

https://www.wastenotrecycledart.com/cubes/

https://dryogipatelpi.com/contact-us/

spaceman slot gacor

ceriabet link alternatif

ceriabet rtp

ceriabet

ceriabet link alternatif

ceriabet link alternatif

ceriabet login

ceriabet login

cmd368

sicbo online live

Ceriabet Login

Ceriabet

Ceriabet

Ceriabet

Ceriabet

casino online

clickbet88

login kudahoki88

Ceriabet

Ceriabet

Ceriabet

slot olympus

sbobet

slot thailand

sbobet