LATEST NEWS

20 फरवरी को आएगा फिल्म ‘टॉक्सिक’ का टीज़र

मुंबई, फिल्म टॉक्सिक: ए फेयरीटेल फॉर ग्रोन-अप्स के मेकर्स ने नया पोस्टर जारी करते हुए ऐलान किया है कि फिल्म का टीज़र 20 फरवरी सुबह 9:35 बजे रिलीज होगा। पोस्टर में यश अपने किरदार राया के रूप में खून से लथपथ बर्फीले तूफान के बीच खड़े दिखते हैं। चेहरा आधा छुपा हुआ, हाथ में बोतल, और चारों तरफ बिखरा हुआ अनदेखी तबाही का मंजर। पूरा फ्रेम ऐसा लगता है जैसे किसी मदहोश, खतरनाक और रहस्यमयी दुनिया की झलक हो, जहाँ हर कदम पर सस्पेंस है। टीज़र की घोषणा ऐसे वक्त आई है जब टॉक्सिक देश की सबसे ज्यादा चर्चित और बेसब्री से इंतज़ार की जाने वाली फिल्मों में शामिल है। मेकर्स ने किरदारों को धीरे-धीरे सामने लाकर और सीमित जानकारी साझा करके उत्सुकता को चरम पर पहुँचा दिया है। 20 फरवरी को दर्शकों को पहली बार इस अंधेरी दुनिया की करीबी झलक मिलेगी। खास बात यह है कि टीज़र सिर्फ एक ही भाषा में रिलीज होगा, जिससे फिल्म की कच्ची, तीखी और प्रभावशाली तस्वीरें खुद दर्शकों से बात कर सकें। फिल्म में कियारा आडवाणी नादिया के रूप में सधे हुए और भावनात्मक अंदाज़ में नजर आएंगी। हुमा कुरैशी एलिज़ाबेथ बनकर दमदार और खतरनाक छवि में दिखेंगी। नयनतारा गंगा के किरदार में एंट्री लेते ही कहानी की ताकत का समीकरण बदल देती हैं। तारा सुतारिया रेबेका के रूप में खूबसूरत लेकिन रहस्यमयी हैं, वहीं रुक्मिणी वसंत मेलिसा के किरदार में संतुलित और प्रभावशाली आभा के साथ नजर आएंगी। आखिरी और सबसे धमाकेदार खुलासा था यश के किरदार राया का, जिनका डायलॉग “डैडीज़ होम…” सिर्फ कहानी में एंट्री नहीं, बल्कि बड़े पर्दे पर उनकी वापसी का ऐलान भी है। फिल्म की कहानी यश और गीतू मोहनदास ने मिलकर लिखी है और निर्देशन भी गीता मोहनदास ने किया है। इसे कन्नड़ और अंग्रेजी में साथ-साथ शूट किया गया है, जबकि हिंदी, तेलुगु, तमिल, मलयालम समेत कई भाषाओं में डब किया जाएगा। तकनीकी टीम भी बेहद मजबूत है। राष्ट्रीय पुरस्कार विजेता सिनेमैटोग्राफर राजीव रवि कैमरे के पीछे हैं, संगीत दिया है रवि बसरूर ने, एडिटिंग की कमान संभाली है उज्ज्वल कुलकर्णी ने और प्रोडक्शन डिजाइन तैयार किया है टीपी आबिद ने। एक्शन सीक्वेंस हॉलीवुड के मशहूर एक्शन डायरेक्टर जे जे पेरी की देखरेख में तैयार हुए हैं, साथ ही राष्ट्रीय पुरस्कार विजेता एक्शन डायरेक्टर्स अंबारीव और केचा खम्फकडी भी इस भव्यता को नई ऊंचाई देते नजर आएंगे। फिल्म को वेंकट के नारायण और यश ने केवीएन प्रोडक्शंस और मॉन्स्टर माइंड क्रिएशन्स के बैनर तले प्रोड्यूस किया है। टॉक्सिक 19 मार्च 2026 को दुनियाभर के सिनेमाघरों में रिलीज होगी।  

बिना काम के कमाए करोड़ों! भारतीय मूल के शख्स की चालाकी से अमेरिकी कंपनी को लगा बड़ा झटका

नई दिल्ली फर्जीवाड़े के कई मामले आपने सुने होंगे, लेकिन यह मामला सुनकर आपकी आंखें भी चौंधिया जाएंगी कि ऐसा भी संभव है। अमेरिका में भारतीय मूल के करण गुप्ता (47 वर्ष) को अपने ‘जीवन भर के दोस्त’ को नौकरी पर रखकर कंपनी से 12 लाख डॉलर (लगभग 10 करोड़ रुपये से अधिक) की ठगी करने के आरोप में दोषी ठहराया गया है। अमेरिकी न्याय विभाग ( DOJ) और मिनेसोटा जिले के अटॉर्नी कार्यालय की प्रेस विज्ञप्ति के अनुसार, करण गुप्ता पर वायर फ्रॉड की साजिश, 10 काउंट्स में वायर फ्रॉड और मनी लॉन्ड्रिंग की साजिश के आरोप सिद्ध हुए हैं। बताया गया कि करण गुप्ता यूनाइटेडहेल्थ ग्रुप की सहायक कंपनी ऑप्टम में सीनियर डायरेक्टर ऑफ डेटा एनालिटिक्स के पद पर कार्यरत थे। डीओजे के अनुसार, 2015 में गुप्ता ने अपने अयोग्य दोस्त को एक फर्जी रिज्यूमे देकर ऑप्टम में डेटा इंजीनियरिंग या संबंधित उच्च पद पर नियुक्त करवा दिया। गुप्ता खुद उसके सुपरवाइजर बन गए। इसके बाद करीब चार साल तक उस दोस्त ने कंपनी के लिए बिल्कुल कोई काम नहीं किया। न कोई मीटिंग, न ईमेल, और कई हफ्तों तक वह अपने ऑफिशियल कंप्यूटर में भी लॉग इन नहीं करता था। फिर भी उसे 1 लाख डॉलर से ज्यादा का सालाना वेतन मिलता रहा, जो बोनस और बढ़ोतरी के साथ और बढ़ता गया। बताया गया कि करण गुप्ता खुद अपने करियर के चरम पर ऑप्टम से 2.6 लाख डॉलर से अधिक सालाना कमाते थे। दोस्त ने अपनी सैलरी का आधे से ज्यादा हिस्सा गुप्ता को रिश्वत (Kickback) के रूप में दिया। रिश्वत की रकम ट्रांसफर करने के लिए शुरुआत में दोस्त न्यू जर्सी में रहते हुए अपने बैंक से कैश निकालता और गुप्ता के न्यू जर्सी बैंक खाते में जमा करता, ताकि गुप्ता कैलिफोर्निया से उस तक पहुंच सके। बाद में दोस्त ने नया चेकिंग अकाउंट खोला, उसे ऑप्टम के डायरेक्ट डिपॉजिट के लिए लिंक किया और गुप्ता को डेबिट कार्ड भेज दिया। गुप्ता कैलिफोर्निया के एटीएम से इस रकम को नकद निकाल लेता था। कैसे हुआ खुलासा यह मामला तब सामने आया जब 2019 में गुप्ता को किसी अन्य धोखाधड़ी के मामले में ऑप्टम ने बर्खास्त कर दिया। कंपनी की जांच में यह ‘घोस्ट एम्प्लॉयी’ स्कीम सामने आई और मामला संघीय एजेंसियों को सौंप दिया गया। एफबीआई के मिनियापोलिस फील्ड ऑफिस के कार्यवाहक विशेष एजेंट रिक इवानचेक ने कहा कि गुप्ता ने अपने भरोसे के पद का दुरुपयोग कर एक फर्जी कर्मचारी की नियुक्ति की और अमेरिका की सबसे बड़ी हेल्थकेयर प्रदाता कंपनी से सैकड़ों हजारों डॉलर की ठगी की।  

जनजातीय संग्रहालय फेस-2 का कार्य जल्द होगा प्रारंभ, प्रमुख सचिव बोरा ने किया संग्रहालय का निरीक्षण

रायपुर शहीद वीर नारायण सिंह जनजातीय संग्रहालय में स्वच्छता के लिए अधिकारियों-कर्मचारियों का संकल्प नवा रायपुर स्थित शहीद वीर नारायण सिंह स्मारक सह जनजातीय स्वतंत्रता संग्राम सेनानी संग्रहालय का आज प्रमुख सचिव  सोनमणी बोरा ने निरीक्षण किया। उन्होंने कहा राज्य के नवा रायपुर में बेहतरीन डिजिटल संग्रहालय बनकर तैयार हुआ है। इनका रख-रखाव तथा रंगरोदन करना भी हमारी जिम्मेदारी है। उन्होंने संग्रहालय को स्वच्छ और साफ-सुथरे (नीट एण्ड क्लीन) रखने पर भी विशेष जोर दिया। उन्होंने कहा कि संग्रहालय का अवलोकन करने राज्य के विभिन्न जिलों, देश के अन्य राज्यों सहित विदेशों से भी पर्यटक आ रहे हैं। संग्रहालय के बनने से प्रदेश का मान सम्मान देश-दुनिया में बढ़ा है।   बोरा ने कहा कि विभाग के सभी अधिकारी-कर्मचारी संकल्प ले कि महीने में कम से कम एक दिन संग्रहालय में श्रम दान करेंगें और स्वच्छता के प्रति लोगों को जागरूक करेंगें। उन्होंने कहा कि वे स्वयं भी श्रमदान करने आएंगे। प्रमुख सचिव  बोरा ने कहा कि जनजातीय संग्रहालय फेस-2 निर्माण के लिए जल्द ही कार्य प्रक्रिया शुरू किया जाएगा। इसके साथ ही कन्वेंशन सेंटर का भी निर्माण किया जाएगा।  इस दौरान आदिम जाति विकास विभाग के आयुक्त डॉ. सारांश मित्तर, छत्तीसगढ राज्य अंत्याव्यवसायी विकास निगम के संचालक डॉ. जगदीश सोनकर, आदिम जाति अनुसंधान एवं प्रशिक्षण संस्थान की संचालक मती हिना अनिमेष नेताम, सयुक्त सचिव  बी. के. राजपूत, कार्यपालन अभियंता  त्रिदिप चक्रवर्ती, रायपुर जिला के सहायक आयुक्त  शरदचन्द्र शुक्ला सहित विभाग के वरिष्ठ अधिकारी, आर्किटेक्ट, इंजीनियर्स तथा आर्टिस्ट उपस्थित थे। गौरतलब है कि छत्तीसगढ़ निर्माण के 25 वर्ष पूर्ण होने पर रजत जयंती वर्ष एक नवंबर को राज्योत्सव के अवसर पर प्रधानमंत्री  नरेन्द्र मोदी के कर कमलों से जनजातीय स्वतंत्रता संग्राम सेनानी संग्रहालय का शुभारंभ हुआ था। इसके पहले जनजातीय जीवन शैली एवं परम्पराओं पर आधारित संग्रहालय का उद्घाटन मई 2025 में मुख्यमंत्री  विष्णु देव साय ने किया था। इन संग्रहालयों की तेजी से बढ़ती लोकप्रियता के बाद अब शहीद वीर नारायण सिंह आदिवासी स्वतंत्रता संग्राम सेनानी संग्रहालय फेस-2 का कार्य शीघ्र ही प्रारंभ किया जाएगा।  प्रमुख सचिव  बोरा ने बैठक में कहा कि संग्रहालय में कैफेटेरिया, गढ़ कलेवा एवं अन्य दुकानें भी खोली जानी हैं इस संबंध में अंतिम रूपरेखा पर चर्चा की गई है। उन्होंने संग्रहालय फेस-2 के अंतर्गत ही आकर्षक बागवानी, परिसर के भीतर स्थित नंद सागर का सौंदर्यीकरण, फॉउंटेन एवं पार्किंग की बेहतर व्यवस्था के निर्देश अधिकारियों को दिए। उन्होंने इस दौरान आदिम जाति अनुसंधान एवं प्रशिक्षण संस्थान परिसर में नवनिर्मित छात्रावास के उद्घाटन की तैयारियों का जायजा भी लिया।

मुख्यमंत्री ने नव चयनित खनि निरीक्षकों को प्रदान किया नियुक्ति पत्र, ईमानदारी और निष्ठा से कार्य करने का दिया संदेश

रायपुर मुख्यमंत्री  विष्णु देव साय ने आज अपने निवास कार्यालय में छत्तीसगढ़ लोक सेवा आयोग द्वारा चयनित नव नियुक्त खनि निरीक्षकों को नियुक्ति पत्र प्रदान किया। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ खनिज संपदा की दृष्टि से देश के सबसे समृद्ध राज्यों में से एक है और खनिज प्रशासन के प्रभावी संचालन में मैदानी अमले की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण होती है। मुख्यमंत्री  साय ने नव चयनित खनि निरीक्षकों को बधाई और शुभकामनाएं देते हुए कहा कि युवाओं पर ही देश और प्रदेश का भविष्य निर्भर करता है। उन्होंने कहा कि खनिज विभाग में नई नियुक्तियों से विभागीय कार्यबल मजबूत होगा तथा खनिज अन्वेषण और खनन गतिविधियों को और गति मिलेगी। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि नवनियुक्त खनि निरीक्षक अपने दायित्वों का समुचित निर्वहन करते हुए खनिज प्रशासन से जुड़े कार्यों के प्रभावी क्रियान्वयन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे। मुख्यमंत्री  साय ने कहा कि छत्तीसगढ़ की धरती लौह अयस्क, कोयला, बॉक्साइट, लाइमस्टोन, टिन, डायमंड, गोल्ड और लिथियम सहित विभिन्न खनिज संपदाओं से परिपूर्ण है। खनिज राज्य के राजस्व का प्रमुख स्रोत भी हैं और सरकार खनिज राजस्व में वृद्धि के लिए निरंतर प्रयास कर रही है। मुख्यमंत्री  साय ने नवनियुक्त अधिकारियों को खनिज राजस्व वृद्धि में सक्रिय योगदान देने के लिए प्रेरित किया। मुख्यमंत्री ने कहा कि खनि निरीक्षक के रूप में आप सभी के ऊपर बड़ी जिम्मेदारी है। पारदर्शिता, ईमानदारी और निष्ठा के साथ कार्य करते हुए राज्य के संसाधनों के संरक्षण और सुव्यवस्थित उपयोग में अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएं। उल्लेखनीय है कि छत्तीसगढ़ लोक सेवा आयोग द्वारा 15 अक्टूबर 2025 को 33 खनि निरीक्षकों की चयन सूची जारी की गई थी। खनिज साधन विभाग द्वारा 19 फरवरी 2026 को कुल 32 खनि निरीक्षकों की नियुक्ति आदेश जारी किए गए, जिनमें से 30 नव चयनित खनि निरीक्षकों को आज मुख्यमंत्री द्वारा नियुक्ति पत्र प्रदान किया गया। इस अवसर पर छत्तीसगढ़ खनिज विकास निगम के अध्यक्ष  सौरभ सिंह, सचिव खनिज साधन विभाग  पी. दयानंद, संचालक भौमिकी एवं खनिकर्म  रजत बंसल सहित विभाग के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।

रिश्ते के बाद बढ़ा विवाद: ‘हेनरी’ की कस्टडी के लिए कोर्ट पहुंचीं महुआ मोइत्रा

नई दिल्ली TMC नेता महुआ मोइत्रा ने अपने पालतू रॉटवीलर कुत्ते ‘हेनरी’ की कस्टडी के लिए दिल्ली हाई कोर्ट का दरवाजा खटखटाया है। जय अनंत देहाद्रई के साथ चल रहे इस अनोखे कानूनी विवाद की पूरी जानकारी पढ़ें। तृणमूल कांग्रेस (TMC) की लोकसभा सांसद महुआ मोइत्रा और उनके पूर्व प्रेमी जय अनंत देहाद्रई के बीच कानूनी लड़ाई अब उनके पालतू कुत्ते ‘हेनरी’ (रॉटवीलर नस्ल) की कस्टडी तक पहुंच गई है। महुआ मोइत्रा ने दिल्ली हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटाया है। उन्होंने साकेत कोर्ट के उस आदेश को चुनौती दी है, जिसने उन्हें उनके पालतू कुत्ते हेनरी की अंतरिम कस्टडी देने से इनकार कर दिया था। गुरुवार को जस्टिस मनोज कुमार ओहरी ने इस याचिका पर सुनवाई की। कोर्ट ने महुआ के पूर्व प्रेमी और वकील जय अनंत देहाद्रई को नोटिस जारी कर उनका जवाब मांगा है। मामले की अगली सुनवाई 29 अप्रैल को तय की गई है। सुनवाई के दौरान देहाद्रई व्यक्तिगत रूप से पेश हुए और उन्होंने तर्क दिया कि मोइत्रा की इस याचिका को शुरुआत में ही खारिज कर दिया जाना चाहिए। कैश-फॉर-क्वेरी मामला यह पालतू कुत्ते का विवाद दोनों के बीच चल रही एक बड़ी कानूनी और राजनीतिक जंग का हिस्सा है। विवाद की शुरुआत तब हुई जब देहाद्रई ने आरोप लगाया कि महुआ मोइत्रा ने संसद में सवाल पूछने के बदले व्यवसायी दर्शन हिरानंदानी से रिश्वत ली थी। गंभीर आरोप: देहाद्रई और भाजपा सांसद निशिकांत दुबे ने दावा किया था कि मोइत्रा ने अपने लोकसभा के लॉगिन क्रेडेंशियल हिरानंदानी को दिए थे, ताकि वह अपनी पसंद के सवाल सीधे पोस्ट कर सकें। आरोप है कि उनके द्वारा पूछे गए 61 सवालों में से 50 हिरानंदानी से संबंधित थे। संसद से निष्कासन: इन आरोपों के आधार पर लोकसभा की आचार समिति ने जांच की और उन्हें निष्कासित करने की सिफारिश की। परिणामस्वरूप, 8 दिसंबर, 2023 को महुआ मोइत्रा को संसद से निष्कासित कर दिया गया। मोइत्रा का बचाव: उन्होंने सभी आरोपों को खारिज करते हुए इसे राजनीतिक प्रतिशोध बताया। उन्होंने स्वीकार किया कि हिरानंदानी उनके मित्र हैं, लेकिन किसी भी तरह के ‘क्विड प्रो क्वो’ (लेन-देन) से इनकार किया। मानहानि का मुकदमा और कोर्ट की टिप्पणी महुआ मोइत्रा ने देहाद्रई और निशिकांत दुबे के खिलाफ मानहानि का मुकदमा भी दायर किया था। हालांकि, मार्च 2024 में दिल्ली उच्च न्यायालय ने उन्हें अंतरिम राहत देने से इनकार कर दिया। अदालत ने तब कहा था कि यह आरोप पूरी तरह से गलत नहीं हैं कि मोइत्रा ने अपने लॉगिन क्रेडेंशियल शेयर किए और उपहार स्वीकार किए। फिलहाल यह मुख्य मामला अभी भी अदालत में लंबित है।  

निरंतर डायलिसिस सेवाओं से किडनी मरीजों को राहत, निःशुल्क योजना बनी संबल

रायपुर. प्रदेश में स्वास्थ्य सेवाओं के सुदृढ़ीकरण की दिशा में किए जा रहे प्रयासों के सकारात्मक परिणाम अब ग्रामीण अंचलों में भी दिखाई देने लगे हैं। विशेष रूप से किडनी रोग से जूझ रहे मरीजों के लिए संचालित निःशुल्क डायलिसिस सुविधा उपचार का महत्वपूर्ण आधार बनकर उभर रही है। इससे आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग के मरीजों को नियमित उपचार उपलब्ध हो पा रहा है और उन्हें बड़े शहरों पर निर्भर नहीं रहना पड़ रहा है। गरियाबंद जिले के देवभोग क्षेत्र में किडनी रोग लंबे समय से एक गंभीर चुनौती रहा है। ऐसे में स्थानीय स्तर पर स्वास्थ्य सेवाओं की सक्रियता और शासन की पहल से उपचार व्यवस्था अधिक संगठित और सुलभ हुई है। सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र देवभोग में डायलिसिस सेवाएं नियमित रूप से संचालित हो रही हैं, जिसका सीधा लाभ क्षेत्र के मरीजों को मिल रहा है। स्वास्थ्य विभाग से प्राप्त जानकारी के अनुसार, बीते 10 दिनों में यहां कुल 95 डायलिसिस सत्र आयोजित किए गए हैं। यह आंकड़ा दर्शाता है कि औसतन प्रतिदिन लगभग 10 मरीजों को डायलिसिस की सुविधा उपलब्ध कराई जा रही है। निरंतर उपचार व्यवस्था से मरीजों को समय पर चिकित्सा सहायता मिल रही है और उनकी स्थिति की नियमित निगरानी भी की जा रही है। किडनी रोगियों के लिए डायलिसिस एक जीवनरक्षक प्रक्रिया है, जिसे लंबे समय तक नियमित रूप से कराना आवश्यक होता है। इस संदर्भ में प्रदेश सरकार द्वारा अस्पतालों में निःशुल्क डायलिसिस सुविधा उपलब्ध कराना स्वास्थ्य तंत्र की एक महत्वपूर्ण पहल साबित हो रही है। इससे दूरस्थ और ग्रामीण क्षेत्रों में रहने वाले मरीजों के लिए उपचार की राह काफी आसान हुई है। प्रदेश स्तर पर भी डायलिसिस सेवाओं के विस्तार, आवश्यक उपकरणों की उपलब्धता तथा चिकित्सा दल की सक्रियता के कारण उपचार व्यवस्था अधिक प्रभावी हो रही है। स्वास्थ्य विभाग अब केवल उपचार तक सीमित न रहकर मरीजों की समय पर पहचान, नियमित जांच और सतत उपचार व्यवस्था पर भी विशेष ध्यान दे रहा है। देवभोग में 10 दिनों के भीतर किए गए 95 डायलिसिस सत्र इस बात का संकेत हैं कि क्षेत्र में स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत करने की दिशा में निरंतर प्रयास जारी हैं। निःशुल्क डायलिसिस योजना न केवल मरीजों के लिए राहत का माध्यम बनी है, बल्कि ग्रामीण क्षेत्रों में स्वास्थ्य सुविधाओं की पहुंच को भी मजबूत कर रही है। डायलिसिस सेवाओं के सुचारू संचालन के लिए आवश्यक संसाधनों की उपलब्धता, उपकरणों के नियमित रखरखाव और मरीजों की सतत निगरानी पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है। साथ ही, लोगों को समय-समय पर स्वास्थ्य जांच कराने और किडनी रोग के प्रति जागरूक रहने के लिए भी प्रेरित किया जा रहा है, ताकि गंभीर स्थितियों से समय रहते बचाव किया जा सके।

निशानेबाजी का महाकुंभ: 16वां लक्ष्य कप में जुटेंगे देश के सर्वश्रेष्ठ एयर राइफल खिलाड़ी

मुंबई भारत के शीर्ष 20 रैंक्ड 10 मीटर एयर राइफल निशानेबाज 16वें आरआर लक्ष्य कप में प्रतिस्पर्धा करेंगे। यह टूर्नामेंट आरआर ग्लोबल द्वारा संचालित है और लक्ष्य शूटिंग क्लब, करनाला स्पोर्ट्स अकादमी, पनवेल, नवी मुंबई में आयोजित होगा। केवल आमंत्रण आधारित यह प्रतियोगिता 21 और 22 फ़रवरी को आयोजित की जाएगी। इसमें जूनियर और सीनियर वर्ग के प्रमुख खिलाड़ी एक पेशेवर ढंग से संचालित, अंतरराष्ट्रीय मानकों के अनुरूप प्रतियोगिता में भाग लेंगे। इसमें पुरुषों और महिलाओं के लिए समान पोडियम अवसर होंगे, साथ ही शीर्ष स्थान पाने वालों के लिए नकद पुरस्कार और उपकरण पुरस्कार भी दिए जाएंगे। प्रतियोगिता में किरण जाधव (वर्तमान नेशनल चैंपियन और वर्ल्ड चैंपियनशिप पदक विजेता), सोनम मस्कर (आईएसएसएफ वर्ल्ड कप पदक विजेता), पार्थ माने (वर्तमान नेशनल गेम्स चैंपियन और जूनियर वर्ल्ड चैंपियन), राजश्री संचेटी (अंतरराष्ट्रीय निशानेबाज और पूर्व नेशनल चैंपियन) और ओजस्वी ठाकुर (एशियन चैंपियनशिप यूथ स्वर्ण पदक विजेता) जैसे शीर्ष दावेदार हिस्सा लेंगे। सीनियर चैंपियन को 1.5 लाख रुपये और रोटेटिंग सिल्वर ट्रॉफी दी जाएगी, जो फिलहाल नेवी के किरण जाधव के पास है। जूनियर चैंपियन को 75,000 रुपये दिए जाएंगे। अन्य पोडियम फिनिशर्स के लिए भी अतिरिक्त नकद पुरस्कार होंगे। खिलाड़ियों को उपकरण साझेदार कैपापी स्पोर्ट्स और एक्सेसरीज साझेदार टिरो स्पोर्ट्स की ओर से शूटिंग उपकरण और सहायक सामग्री जीतने का अवसर भी मिलेगा।  

होलिका दहन में अर्पण की जाने वाली चीजें और प्रसाद से जुड़ी धार्मिक मान्यताएँ

हर साल फाल्गुन माह की पूर्णिमा के दिन होली का त्योहार मनाया जाता है. इस दिन पूरे देश रंग और गुलाल बिखरे नजर आते हैं. होली के दिन आपसी मतभेद भूलकर लोग एक दूसरे को रंग और गुलाल लगाते हैं. साथ ही एक दूसरे को लगे लगाते हैं. पूरा देश होली के पर्व का इंजार बेसब्र होकर करता है. वहीं हर साल फाल्गुन माह की पूर्णिमा की रात को होलिका दहन का भी पर्व मनाया जाता है. रात को हालिका दहन के बाद ही सुबह रंगों की होली खेली जाती है. बुराई पर अच्छाई की जीत के प्रतीक के रूप में होलिका दहन का पर्व मनाया जाता है. मान्यता है कि होलिका दहन की अग्नि में जीवन के सभी दुख और नकारात्मकता जलकर भस्म हो जाती है. फाल्गुन मास की पूर्णिमा की रात शुभ मुहूर्त में होलिका दहन किया जाता है. ऐसे में आइए जानते हैं कि होलका दहन में क्या-क्या चीजें अर्पित की जाती हैं? साथ ही जानते हैं कि होलिका दहन का प्रसाद घर ला सकते हैं या नहीं होलिका दहन 2026 कब है? द्रिक पंचांग के अनुसार, इस बार फाल्गुन पूर्णिमा की तिथि की शुरुआत 02 मार्च 2026 की शाम को 05 बजकर 55 मिनट पर होगी. इस तिथि का समापन 03 मार्च की शाम 5 बजकर 07 मिनट तक रहेगी. ऐसे में होलिका दहन का पर्व 3 मार्च 2026 को मनाया जाएगा. 04 मार्च को रंगों की होली खेली जाएगी. होलिका दहन में क्या चीजें की जाती हैं अर्पित? पूजा के दौरान जलती हुई अग्नि यानी होलिका में नारियल, उपले, नई फसल, गेंहू, गुलाल, चावल, जौ, रोली, अक्षत, बताशे, फूल, हल्दी की गांठ और कपूर आदि पूजा सामग्री अर्पित की जाती है. साथ ही बुराई पर अच्छाई की जीत का आशीर्वाद मांगा जाता है. होलिका दहन का प्रसाद क्या है? जो चीजें होलिका में अर्पित की जाती हैं, वही होलिका दहन का प्रसाद होता है. इसके अलावा अंत में बची हुई होलिका की राख भी बेहद शुभ मानी जाती है. धार्मिक मान्यता के अनुसार, होलिका की राख को घर के मंदिर या तिजोरी में रखना चाहिए. साथ ही माथे पर लगाना चाहिए. इससे सेहत अच्छी रहती है. क्या होलिका दहन का प्रसाद घर ला सकते हैं? धार्मिक मान्यता के अनुसार, होलिका दहन का प्रसाद घर लाया जा सकता है. गेहूं, चने, नारियल, बताशे, नई फसल, चावल और जौ आदि प्रसाद को दोस्तों और परिवार वालों के बीच वितरित करना चाहिए. इससे नकारात्मकता दूर रहती है.

भगवान बचाए… CJI सूर्यकांत की सख्त टिप्पणी, याचिका पर सुनवाई नहीं

नई दिल्ली सुप्रीम कोर्ट में गुरुवार को सुनवाई के दौरान भारत के मुख्य न्यायाधीश (CJI) सूर्यकांत एक याचिका देखकर भड़क गए। उन्होंने यह तक कह दिया कि याचिकाओं के कानून को भगवान बचाए। इतना ही नहीं उन्होंने याचिकाकर्ता को भी जमकर फटकार लगाई है। सुप्रीम कोर्ट ने याचिका को रद्द कर दिया। साथ ही इसकी वजहें भी गिनाईं हैं। बार एंड बेंच के अनुसार, CJI सूर्यकांत ने PIL यानी जनहित याचिका को सुनने से मना कर दिया। अदालत ने इसकी वजह याचिका का अस्पष्ट होना बताया है। CJI ने कहा, ‘अगर भारत के शीर्ष न्यायालय के सामने याचिकाओं का ऐसा स्तर है, तो भगवान याचिका के कानून को बचाए।’ AI से याचिकाएं लिखने पर भी जताई थी नाराजगी मंगलवार को सुप्रीम कोर्ट ने AI से याचिकाएं लिखने की आदत पर चिंता जाहिर की थी। पीठ शिक्षाविद रूप रेखा वर्मा की एक जनहित याचिका पर सुनवाई कर रही थी। सीजेआई सूर्यकांत, जस्टिस बी वी नागरत्ना और जस्टिस जॉयमाल्या बागची की पीठ ने कहा, ‘हम यह देखकर परेशान हैं कि कुछ वकीलों ने याचिकाओं का मसौदा तैयार करने के लिए एआई का इस्तेमाल शुरू कर दिया है। यह बिल्कुल अनुचित है।’ जस्टिस नागरत्ना ने कहा कि उन्हें हाल में ‘मर्सी बनाम मैनकाइंड’ नाम का एक ऐसा केस मिला जो अस्तित्व में है ही नहीं। प्रधान न्यायाधीश ने ऐसे ही एक मामले का जिक्र किया और कहा कि जस्टिस दीपांकर दत्ता की अदालत में, ‘एक नहीं बल्कि ऐसे कई फैसलों का हवाला दिया गया था।’ न्यायमूर्ति नागरत्ना ने कहा कि कई बार, जिन फैसलों का जिक्र किया जाता है वे सही होते हैं, लेकिन उन फैसलों के साथ फर्जी उद्धरण जोड़ दिए जाते हैं और इससे उनकी विषयवस्तु का सत्यापन करना बहुत मुश्किल हो जाता है। न्यायमूर्ति नागरत्ना ने कहा, ‘इससे न्यायाधीशों पर अतिरिक्त बोझ पड़ता है।’ इस बीच, न्यायमूर्ति बागची ने विधिक मसौदा तैयार करने की कला में गिरावट पर दुख जताया और कहा कि कई विशेष अनुमति याचिकाओं में ज्यादातर पिछले फैसलों के लंबे उद्धरण होते हैं, जिनमें कानूनी आधारों की मौलिक जानकारी बहुत कम होती है।  

अब सुन सकेंगे दुनिया की आवाज़: चिरायु के तहत जन्मजात बधिर बच्चों का एम्स में सफल ऑपरेशन

रायपुर राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम (चिरायु) का असर: जन्मजात बधिरता से जूझ रहे तीन बच्चों का एम्स रायपुर में सफल कॉक्लियर इंप्लांट राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम (चिरायु) का असर: जन्मजात बधिरता से जूझ रहे तीन बच्चों का एम्स रायपुर में सफल कॉक्लियर इंप्लांट सार्वजनिक स्वास्थ्य सेवाओं के सुदृढ़ीकरण और बाल स्वास्थ्य सुरक्षा को लेकर राज्य शासन की महत्वाकांक्षी पहल ने एक बार फिर ठोस परिणाम दिए हैं। जन्मजात बधिरता से जूझ रहे तीन मासूम बच्चों का सफल कॉक्लियर इंप्लांट ऑपरेशन अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान रायपुर में संपन्न हुआ है। स्वास्थ्य विभाग की चिरायु टीम द्वारा समय पर पहचान और समन्वित प्रयासों के कारण इन बच्चों को निःशुल्क उन्नत उपचार उपलब्ध हो सका। वर्तमान में तीनों बच्चे स्वस्थ हैं और चिकित्सकीय देखरेख में हैं। आंगनबाड़ी से सुपर स्पेशियलिटी तक सुदृढ़ स्वास्थ्य श्रृंखला कबीरधाम जिले के स/लोहारा विकासखंड स्थित ग्राम चिलमखोदरा निवासी धैर्य मरकाम (पिता– श्यामू मरकाम) जन्म से श्रवण बाधा से पीड़ित थे। चिरायु टीम ‘ए’ स/लोहारा द्वारा नियमित स्क्रीनिंग के दौरान समस्या की समय रहते पहचान की गई। आवश्यक चिकित्सकीय परीक्षण एवं रेफरल प्रक्रिया के बाद 16 फरवरी 2026 को AIIMS Raipur में उनका कॉक्लियर इंप्लांट सफलतापूर्वक संपन्न हुआ। वर्तमान में बालक चिकित्सकीय निगरानी में है। इसी क्रम में कोरबा जिले के बालको क्षेत्र निवासी ढाई वर्षीय नक्ष कोशले  की श्रवण समस्या का पता भी प्रारंभिक जांच के दौरान चला। विशेषज्ञ परामर्श के पश्चात 14 फरवरी 2026 को AIIMS Raipur में सर्जरी की गई। चिकित्सकों के अनुसार बालक स्वस्थ है तथा नियमित फॉलो-अप जारी है। सक्ति जिले के जैजैपुर विकासखंड अंतर्गत ग्राम हसौद की तीक्षिका साहू में भी जन्मजात बधिरता की पुष्टि आंगनबाड़ी स्तर पर स्क्रीनिंग के दौरान हुई। चिरायु टीम जैजैपुर द्वारा त्वरित कार्रवाई करते हुए प्रकरण को उच्च संस्थान में रेफर किया गया। 17 फरवरी 2026 को AIIMS Raipur में सफल कॉक्लियर इंप्लांट के उपरांत अब तीक्षिका स्वस्थ हैं और स्पीच थेरेपी के माध्यम से श्रवण एवं भाषाई विकास की दिशा में निरंतर प्रगति कर रही हैं। शासन की संवेदनशीलता और स्वास्थ्य विभाग की सक्रियता इन तीनों मामलों में यह स्पष्ट हुआ है कि यदि समय रहते जांच, परामर्श और उपचार उपलब्ध हो तो जन्मजात श्रवण बाधा जैसी गंभीर समस्या का भी प्रभावी समाधान संभव है। चिरायु टीम की सतत स्क्रीनिंग, आंगनबाड़ी स्तर पर पहचान और उच्च संस्थान में निःशुल्क उपचार की व्यवस्था ने इन परिवारों को नई उम्मीद दी है। परिजनों ने शासन और स्वास्थ्य विभाग के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि इस सहयोग ने उनके बच्चों का भविष्य बदल दिया। विशेषज्ञों का कहना है कि कॉक्लियर इंप्लांट जैसी जटिल और महंगी सर्जरी सामान्य परिवारों के लिए अत्यंत कठिन होती है। किंतु शासन की महत्वाकांक्षी स्वास्थ्य योजनाओं के अंतर्गत यह उपचार निःशुल्क संभव हुआ। आंगनबाड़ी स्तर पर स्क्रीनिंग, जिला स्तरीय चिकित्सा परीक्षण और सुपर स्पेशियलिटी संस्थान में समयबद्ध सर्जरी यह संपूर्ण तंत्र राज्य की प्रतिबद्धता को दर्शाता है।

अयोध्या में दर्शन शुल्क की खबरें गलत, विधान परिषद में सरकार ने दिया स्पष्ट जवाब

लखनऊ उत्तर प्रदेश विधान परिषद में काशी और अयोध्या में सुगम दर्शन शुल्क को लेकर उठे सवालों पर सरकार ने स्पष्ट किया कि श्रीराम मंदिर अयोध्या में सुगम दर्शन के लिए कोई शुल्क निर्धारित नहीं है, जबकि काशी विश्वनाथ मंदिर में शुल्क निर्धारण का अधिकार संबंधित न्यास परिषद के पास है। उप मुख्यमंत्री एवं सदन के नेता केशव प्रसाद मौर्य ने प्रश्नों का उत्तर देते हुए कहा कि वाराणसी स्थित काशी विश्वनाथ मंदिर का संचालन मंदिर न्यास परिषद द्वारा किया जाता है और सुगम दर्शन शुल्क से जुड़े सभी निर्णय भी वही लेती है। इसके विपरीत राम मंदिर अयोध्या में सुगम दर्शन के लिए कोई शुल्क लागू नहीं है। उन्होंने सदन को अवगत कराया कि जनवरी 2025 से जनवरी 2026 के बीच काशी में सुगम दर्शन के लिए लगभग 10.7 लाख श्रद्धालुओं को दर्शन पर्ची जारी की गई। उन्होंने कहा कि सामान्यत: प्रदेश के मंदिरों में सुगम दर्शन शुल्क लागू करने का निर्णय संबंधित ट्रस्ट या मंदिर प्रबंधन द्वारा लिया जाता है, जबकि राज्य सरकार सुरक्षा, यातायात प्रबंधन और बुनियादी सुविधाओं की निगरानी करती है। उप मुख्यमंत्री ने बताया कि काशी विश्वनाथ धाम कॉरिडोर बनने के बाद श्रद्धालुओं की संख्या में उल्लेखनीय वृद्धि दर्ज की गई है। वर्ष 2017 में जहां लगभग 77 लाख श्रद्धालु दर्शन के लिए पहुंचे थे, वहीं वर्ष 2025 में यह संख्या बढ़कर 17 करोड़ से अधिक हो गई। उन्होंने यह भी कहा कि विदेशी श्रद्धालुओं की संख्या में भी इजाफा हुआ है। वर्ष 2014 में लगभग 28 हजार विदेशी श्रद्धालु आए थे, जबकि वर्ष 2024 में यह संख्या करीब 3.99 लाख और वर्ष 2025 में 3.21 लाख रही। मौर्य ने कहा कि काशी, अयोध्या और प्रयागराज सहित प्रदेश के सभी प्रमुख तीर्थ स्थलों पर बढ़ती श्रद्धालु संख्या बेहतर व्यवस्थाओं और सुविधाओं का प्रमाण है। सरकार तीर्थ स्थलों की पवित्रता बनाए रखने के लिए प्रतिबद्ध है और किसी भी प्रकार की अनियमितता पर सख्त कार्रवाई की जाएगी। धार्मिक पर्यटन को बढ़ावा देकर राज्य की अर्थव्यवस्था को और सशक्त करना सरकार की प्राथमिकता है।

सामुदायिक भवन से समाज को मिलेगा स्थायी मंच, सामाजिक एकजुटता होगी मजबूत– उप मुख्यमंत्री विजय शर्मा

रायपुर. बम्हनी में शुरू होगा अटल डिजिटल सुविधा केंद्र, बुजुर्गों-महिलाओं को मिलेगी बड़ी राहत उप मुख्यमंत्री  विजय शर्मा ने आज कबीरधाम जिले के ग्राम बम्हनी में लोधी समाज के लिए 20 लाख रुपये की लागत से बनने वाले सामुदायिक भवन निर्माण कार्य का भूमि पूजन किया। लंबे समय से समाज के लोगों को अपने सामाजिक और पारिवारिक कार्यक्रमों के लिए उचित स्थान की आवश्यकता थी, जिसे उप मुख्यमंत्री की पहल से अब यह भवन पूरा होगा। बम्हनी में शुरू होगा अटल डिजिटल सुविधा केंद्र, बुजुर्गों-महिलाओं को मिलेगी बड़ी राहत        इस अवसर पर उप मुख्यमंत्री  विजय शर्मा ने उपस्थित लोधी समाज के लोगों को बधाई देते हुए कहा कि इस भवन का सभी लोगों के काम के लिए मिल-जुलकर उपयोग करें। यह भवन समाज के कार्यक्रम, बैठक, शादी-विवाह और अन्य आयोजनों के लिए बहुत काम आएगा। इससे पूरे गांव के लोगों को भी सुविधा मिलेगी। उन्होंने यह भी कहा कि सरकार गांवों में जरूरी सुविधाएं बढ़ाने और विकास के लिए लगातार काम कर रही है। इस दौरान उन्होंने ग्राम बम्हनी में अटल डिजिटल सुविधा केंद्र प्रारंभ करने के निर्देश दिए। उप मुख्यमंत्री विजय शर्मा ने कहा कि नई सरकार बनने के बाद प्रदेश में 18 लाख आवास स्वीकृत किए गए हैं। केवल ग्राम बम्हनी में ही पिछले दो वर्षों में 113 आवास स्वीकृत हुए, जिनमें से 84 आवास का निर्माण पूरा हो चुका है। उन्होंने कहा कि महिलाओं की बैठकों और गतिविधियों के लिए गांव में महतारी सदन का निर्माण कराया गया है। प्रदेश भर में ऐसे महतारी सदनों का निर्माण ग्राम पंचायतों में किया जा रहा है, ताकि महिलाओं को एक सुरक्षित और सुविधाजनक स्थान मिल सके।      उप मुख्यमंत्री ने बताया कि ग्राम पंचायतों में अटल डिजिटल सुविधा केंद्र भी शुरू किए जा रहे हैं, जहां महिलाओं, बुजुर्गों और दिव्यांगजनों को गांव में ही पैसा निकालने सहित अन्य सुविधाएं मिल रही हैं। उन्होंने बम्हनी में भी एक सप्ताह के भीतर यह केंद्र शुरू करने के निर्देश सीईओ जनपद पंचायत को दिए। इस दौरान जिला पंचायत अध्यक्ष  ईश्वरी साहू, जिला पंचायत सदस्य डॉ वीरेन्द्र साहू, युवा प्रदेशाध्यक्ष लोधी समाज  सुरेश सिंगौर, जिला लोधी समाज अध्यक्ष  संतोष कौशिक, सहित अन्य जनप्रतिनिधि और समाज के पदाधिकारी उपस्थित रहे। सहकारिता से युवाओं को रोजगार और गांव को मिलेगा विकास का नया रास्ता– उप मुख्यमंत्री      उप मुख्यमंत्री विजय शर्मा ने कहा कि सहकारिता के माध्यम से आज कई तरह के काम किए जा सकते हैं और इससे युवाओं के लिए रोजगार के अवसर भी बढ़ रहे हैं। उन्होंने बताया कि कवर्धा क्षेत्र की महिलाएं और पशुपालक गुजरात के बनासकांठा जिले का भ्रमण कर वहां की डेयरी व्यवस्था और सहकारी गतिविधियों को देखकर आए हैं।      उन्होंने यह भी बताया कि वे स्वयं भी वहां की डेयरी संस्थाओं का कार्य देखने गए थे और वहां से कई उपयोगी अनुभव प्राप्त हुए। उन्होंने कहा कि सहकारिता के माध्यम से दुग्ध उत्पादन, पशुपालन, कृषि और अन्य क्षेत्रों में बड़े पैमाने पर काम किया जा सकता है, जिससे लोगों की आय बढ़ेगी और गांव की अर्थव्यवस्था मजबूत होगी। उन्होंने भ्रमण के दौरान मिले अनुभव को साझा करते हुए कहा कि यदि गांव के लोग मिलकर सहकारी रूप से काम करें तो वे आत्मनिर्भर बन सकते हैं और आगे बढ़ सकते हैं।

उम्र सिर्फ नंबर! 41 साल के वैन डेर का सुपर कैच देख दंग रह गए तिलक वर्मा

नई दिल्ली टी20 विश्व कप 2026 में नीदरलैंड के रूलोफ वैन डेर मेरवे ने शानदार डाइव लगाकर हवा में हैरतअंगेज कैच पकड़ा। उनके इस बेहतरीन प्रयास से तिलक वर्मा की पारी का अंत हो गया। टी20 विश्व कप 2026 में नीदरलैंड के अनुभवी ऑलराउंडर रूलोफ वैन डेर मेरवे एक बार फिर अपनी फुर्ती और फिटनेस की वजह से चर्चा में हैं। 41 साल के मेरवे अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में लंबा अनुभव रखते हैं और साउथ अफ्रीका के लिए भी खेल चुके हैं। बाद में उन्होंने नीदरलैंड की ओर से खेलना शुरू किया और 2015 में इस टीम के लिए अंतरराष्ट्रीय डेब्यू किया। वह दुनिया भर की कई टी20 लीग में भी हिस्सा ले चुके हैं और अपने हरफनमौला प्रदर्शन के लिए पहचाने जाते हैं। बाउंड्री लाइन पर लपका शानदार कैच अहमदाबाद के नरेंद्र मोदी स्टेडियम में भारत और नीदरलैंड के बीच खेले जा रहे मुकाबले में मेरवे ने अपनी फील्डिंग से सभी को प्रभावित किया। भारतीय बल्लेबाज तिलक वर्मा ने पारी के नौवें ओवर की आखिरी गेंद को लॉन्ग ऑफ की दिशा में खेला। गेंद बाउंड्री की ओर जा रही थी, लेकिन वहां तैनात मेरवे तेजी से अपनी दाहिनी ओर दौड़े और हवा में छलांग लगाते हुए दोनों हाथों से शानदार कैच पकड़ लिया। इस बेहतरीन प्रयास के साथ तिलक वर्मा की पारी का अंत हो गया और मैदान पर मौजूद दर्शकों ने भी इस कैच की सराहना की। तिलक वर्मा का प्रदर्शन तिलक वर्मा भारतीय टीम के अहम बल्लेबाज माने जाते हैं, हालांकि इस टूर्नामेंट में वह अच्छी शुरुआत को बड़ी पारी में बदलने में सफल नहीं हो पा रहे हैं। नीदरलैंड के खिलाफ मुकाबले में उन्होंने 27 गेंदों पर 31 रन बनाए। इससे पहले पाकिस्तान के खिलाफ उन्होंने 24 गेंदों पर 25 रन बनाए थे। नामीबिया के खिलाफ 21 गेंदों पर 25 और अमेरिका के खिलाफ 16 गेंदों पर 25 रन की पारी खेली थी। टी20 विश्व कप से पहले उनकी सर्जरी हुई थी, जिसके कारण वह न्यूजीलैंड के खिलाफ टी20 सीरीज का हिस्सा नहीं बन पाए थे। भारत ने बनाए 193 रन टी20 विश्व कप 2026 के 36वें मुकाबले में भारतीय टीम ने नीदरलैंड के खिलाफ पहले बल्लेबाजी करते हुए 20 ओवर में 5 विकेट खोकर 193 रन बनाए। भारतीय टीम की ओर से शिवम दुबे ने शानदार बल्लेबाजी करते हुए सर्वाधिक 66 रन की पारी खेली। उनकी इस तेज पारी ने टीम को मजबूत स्कोर तक पहुंचाने में अहम भूमिका निभाई। नीदरलैंड की ओर से वीक सबसे सफल गेंदबाज रहे और उन्होंने दो विकेट हासिल किए।  

धान उठाव में लापरवाही बर्दाश्त नहीं: शासन की सख्ती, मार्कफेड DMO किशोर चंद्रा पद से हटे

गरियाबंद जिले में समर्थन मूल्य पर खरीदी गई धान का उठाव बेहद धीमी गति से होने पर शासन ने सख्त कदम उठाए हैं। कुल 50.66 लाख क्विंटल धान में से अब तक केवल 29 लाख क्विंटल का ही उठाव हो सका है। खरीदी केंद्रों में तय बफर लिमिट से छह गुना ज्यादा धान जमा होने के कारण केंद्रों में जाम की स्थिति बनी हुई थी। धान उठाव में देरी और केंद्रों में जमा अधिक मात्रा को लेकर समिति ने बार-बार पत्राचार कर अधिकारियों को चेताया। इस कार्रवाई के बाद कलेक्टर की नाराजगी भरे पत्र के बाद 18 फरवरी की देर रात आदेश जारी कर मार्कफेड DMO किशोर चंद्रा को पद से हटाकर कबीरधाम भेज दिया गया।

निजी अस्पतालों में लाखों का खर्च, मेडिकल कॉलेज में आयुष्मान योजना से निःशुल्क सर्जरी

रायपुर मेडिकल कॉलेज में अत्याधुनिक घुटना व कूल्हा प्रत्यारोपण सर्जरी की सुविधा उपलब्ध रायगढ़ मेडिकल कॉलेज से संबद्ध संत बाबा गुरु घासीदास जी स्मृति शासकीय चिकित्सालय के अस्थि रोग विभाग में अब घुटना प्रत्यारोपण एवं कूल्हा प्रत्यारोपण जैसी जटिल सर्जरी की सुविधा सफलतापूर्वक शुरू कर दी गई है। अब तक जिन मरीजों को ऐसे ऑपरेशन के लिए बड़े शहरों का रुख करना पड़ता था और लाखों रुपये खर्च करने पड़ते थे, उन्हें अपने ही जिले में विशेषज्ञ चिकित्सकों की निगरानी में अत्याधुनिक तकनीक से सुरक्षित उपचार मिल रहा है। इस उपलब्धि के पीछे राज्य सरकार के स्वास्थ्य क्षेत्र को सुदृढ़ करने के निरंतर प्रयासों की महत्वपूर्ण भूमिका है।  मुख्यमंत्री  विष्णुदेव साय  के नेतृत्व में स्वास्थ्य अधोसंरचना को मजबूत करने की दिशा में लगातार कार्य किया जा रहा है। स्वास्थ्य मंत्री  श्याम बिहारी जायसवाल एवं वित्त मंत्री  ओ.पी. चौधरी के मार्गदर्शन में रायगढ़ मेडिकल कॉलेज में अत्याधुनिक चिकित्सा सुविधाओं का विस्तार तेजी से हो रहा है। अधिष्ठाता डॉ. संतोष कुमार एवं अस्पताल अधीक्षक डॉ. मनोज कुमार मिंज के नेतृत्व में यह नई सुविधा प्रारंभ की गई है, जिससे जिलेवासियों को उच्चस्तरीय उपचार अपने ही शहर में उपलब्ध हो रहा है। अधिष्ठाता डॉ. संतोष कुमार ने बताया कि निजी अस्पतालों में प्रति जोड़ प्रत्यारोपण सर्जरी पर लगभग 2.5 से 3 लाख रुपये तक का खर्च आता है, जबकि शासकीय मेडिकल कॉलेज रायगढ़ में यह सुविधा उपलब्ध होने से मरीजों को आयुष्मान योजना के अंतर्गत निःशुल्क एवं उच्चस्तरीय उपचार मिल रहा है। इससे न केवल आर्थिक बोझ कम हो रहा है, बल्कि जिले के लोगों को अपने ही शहर में बेहतर स्वास्थ्य सुविधा का लाभ भी मिल रहा है। 28 वर्षीय मरीज छविराज कुमार ने बताया कि उन्हें लंबे समय से पैर में गंभीर दिक्कत थी, जिसके कारण चलने-फिरने में काफी परेशानी होती थी। उन्होंने पहले निजी अस्पताल में परामर्श लिया था, जहां सर्जरी के लिए लगभग ढाई लाख रुपये का खर्च बताया गया। आर्थिक रूप से यह उनके लिए काफी कठिन था। उन्होंने कहा कि रायगढ़ मेडिकल कॉलेज अस्पताल में आयुष्मान योजना के तहत सर्जरी की सुविधा शुरू होने की जानकारी मिलने पर उन्होंने यहां उपचार कराया। सफल ऑपरेशन के बाद अब उनके पैर में कोई परेशानी नहीं है। उन्होंने बताया कि ऑपरेशन के दूसरे दिन से ही वे चलने लगे थे और अब वे पूरी तरह सहज और आत्मविश्वास के साथ चल-फिर पा रहे हैं। छविराज ने चिकित्सकों की टीम और अस्पताल प्रबंधन के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि उन्हें निःशुल्क और उच्चस्तरीय उपचार मिलने से उनके जीवन में बड़ा सकारात्मक बदलाव आया है। अस्थि रोग विभागाध्यक्ष डॉ. प्रवीण जांगड़े ने बताया कि गठिया, ऑस्टियोआर्थराइटिस, रूमेटॉइड आर्थराइटिस, दुर्घटना के बाद जोड़ों की क्षति अथवा लंबे समय से घुटने और कूल्हे के असहनीय दर्द से पीड़ित मरीजों के लिए जॉइंट रिप्लेसमेंट सर्जरी अत्यंत प्रभावी उपचार है। उन्होंने बताया कि सर्जरी के बाद मरीजों के दर्द में उल्लेखनीय कमी आती है और वे तेजी से सामान्य जीवन की ओर लौटते हैं। चलने-फिरने की क्षमता में सुधार होने से मरीजों की जीवन गुणवत्ता में सकारात्मक बदलाव देखने को मिल रहा है। डॉ. जांगड़े ने आमजन से अपील की है कि घुटने या कूल्हे की पुरानी समस्या को नजरअंदाज न करें और समय रहते अस्थि रोग विभाग की ओपीडी में विशेषज्ञ चिकित्सकों से परामर्श लेकर उचित उपचार कराएं। अस्पताल अधीक्षक डॉ. एम.के. मिंज ने बताया कि अस्पताल में घुटना एवं कूल्हा प्रत्यारोपण की सुविधा अत्याधुनिक तकनीक और निर्धारित चिकित्सकीय प्रोटोकॉल के तहत उपलब्ध है। अस्थि रोग विभागाध्यक्ष डॉ. प्रवीण जांगड़े एवं एनेस्थीसिया विभागाध्यक्ष डॉ. ए.एम. लकड़ा की विशेषज्ञ टीम द्वारा इन सर्जरी को पूर्ण सुरक्षा और दक्षता के साथ किया जा रहा है। विगत कुछ दिनों में लगभग 10 मरीजों की सफलतापूर्वक सर्जरी की गई है, जिसमें 5 कूल्हा और 5 घुटना प्रत्यारोपण शामिल हैं।

slot server thailand super gacor

spaceman slot gacor

slot gacor 777

slot gacor

Nexus Slot Engine

bonus new member

olympus

situs slot bet 200

slot gacor

slot qris

link alternatif ceriabet

slot kamboja

slot 10 ribu

https://mediatamanews.com/

slot88 resmi

slot777

https://sandcastlefunco.com/

slot bet 100

situs judi bola

slot depo 10k

slot88

slot 777

spaceman slot pragmatic

slot bonus

slot gacor deposit pulsa

rtp slot pragmatic tertinggi hari ini

slot mahjong gacor

slot deposit 5000 tanpa potongan

mahjong

spaceman slot

https://www.deschutesjunctionpizzagrill.com/

spbo terlengkap

cmd368

368bet

roulette

ibcbet

clickbet88

clickbet88

clickbet88

bonus new member 100

slot777

https://bit.ly/m/clickbet88

https://vir.jp/clickbet88_login

https://heylink.me/daftar_clickbet88

https://lynk.id/clickbet88_slot

clickbet88

clickbet88

https://www.burgermoods.com/online-ordering/

https://www.wastenotrecycledart.com/cubes/

https://dryogipatelpi.com/contact-us/

spaceman slot gacor

ceriabet link alternatif

ceriabet rtp

ceriabet

ceriabet link alternatif

ceriabet link alternatif

ceriabet login

ceriabet login

cmd368

sicbo online live

Ceriabet Login

Ceriabet

Ceriabet

Ceriabet

Ceriabet