Administration cracks down on fake caste certificates, high-level investigation begins in Jabalpur

विशेष संवाददाता जितेन्द्र श्रीवास्तव
भोपाल।सहकारिता विभाग मुख्यालय के स्थापना कक्ष में तरह-तरह की हैरत अंग्रेज मामले सामने आ रहे हैं स्थापना अधीक्षक संजीव गुप्ता द्वारा स्वयं की विवादित फाइल को घुमा दिया गया है जबकि सौरभ राजपूत के प्रकरण में पूर्व पंजीयक के आदेश की अवहेलना की जा रही है इसी कड़ी में एक और मामला सामने आया है जो जबलपुर का है जबलपुर उपयुक्त कार्यालय में यह साबित हो चुका है कि सीनियर कोऑपरेटिव इंस्पेक्टर हेमलता डोंगर का जाति प्रमाण पत्र फर्जी है

जिसके आधार पर वह वर्षों से नौकरी कर रही हैं संबंधित जांच विभाग द्वारा अनेक बार स्थापना कक्षा सहकारिता को इस बारे में जानकारी दी गई किंतु ना तो संजीव गुप्ता ने विभागीय जांच करवाई और ना ही फर्जी जाति प्रमाण पत्र के आधार पर नौकरी कर रहे व्यक्ति पर निलंबन की कार्यवाही की स्थापना कक्षा की इस कार्य प्रणाली को लेकर तरह-तरह की चर्चाएं हैं सूत्रों के अनुसार संजीव गुप्ता भ्रष्टाचार में इतना दबंग हो चुका है कि वह तय करता है की स्थापना कक्ष में कौन अधिकारी काम करेगा।वरिष्ठ अधिकारियों को गुमराह करके किस फाइल को समक्ष रखना है किसे नहीं यह खेल कब तक रुकेगा यह देखने लायक होगा।
संभावित सुर्खियां:
- जबलपुर में फर्जी जाति प्रमाण पत्र की जांच तेज, प्रशासन सख्त
- आरक्षण दुरुपयोग पर बड़ा एक्शन, हाई-लेवल जांच शुरू
- पुराने रिकॉर्ड खंगाले जाएंगे, जाति प्रमाण पत्र सत्यापन अभियान तेज
- संदिग्ध प्रमाण पत्रों पर कार्रवाई की तैयारी, नोटिस जारी
- फर्जीवाड़े पर कसा शिकंजा, अब हर दस्तावेज की होगी जांच









