खाघ एवं औषधि नियंत्रक के आदेश की, रायसेन औषधि निरीक्षक द्वारा उड़ाई जा रही है धज्जिया।
The orders of the Food and Drug Controller are being flouted by the Raisen Drug Inspector. Special Correspondent, Raisen, Madhya Pradesh भोपाल , मध्य प्रदेश के सभी ड्रग इंस्पेक्टरों को खाघ एवं औषधि नियंत्रक द्वारा 27 जुलाई 2024 को एक आदेश भेजा गया था, जिसमे मध्यप्रदेश के सभी जिलों के औषधि निरीक्षकों को उनके कार्यक्षेत्र में संचालित हो रहे औषधि विक्रय संस्थानों के द्वारा औषधियों पर अंकित एम.आर.पी. से अधिक मूल्य पर औषधियों का विक्रय न हो एवं आम जनता को उचित मूल्य पर औषधियों उपलब्ध हो सके, साथ ही औषधि विक्रय संस्थान द्वारा बेची जाने वाली ऐसी औषधियों जिनका दुरूपयोग नशे के रूप में हो सकता है ऐसी औषधियों की बिक्री को और प्रभावी रूप से नियंत्रित किये जाने के संबंध में आदेश जारी किये गए थे, एवं औषधि निरीक्षको को निरिक्षण कर यह सुनिश्चित करने को कहा गया था की किसी फार्मेसी/ केमिस्ट शॉप / मेडिकल स्टोर के द्वारा बिना प्रिस्क्रिप्शन के शेडयूल H, H1 एवं X में दी गई औषधियों का विक्रय न किया जाये। निजी चिकित्सालयों/ नर्सिंग होम परित्तर में संचालित औषधि विक्रय संस्थानों के मालिक, कर्मचारी, स्टॉफ द्वारा अथवा चिकित्सालयों के स्टॉफ द्वारा मरीजों को अथवा मरीजों के परिजन को उनके ही औषधि विक्रय संस्थान से ही औषधि क्रय किये जाने हेतु बाध्य नहीं किया जाय। रजिस्टर्ड मेडिकल प्रेक्टीशनर के पर्चे के बिना यदि शेडयूल H, H1 एवं X का विक्रय न किया जाये एवं आम जनता हेतु औषधि विक्रय संस्थान द्वारा प्रमुख स्थान पर इस आशय को प्रदर्शित किया जाये कि ऐसी औषधियों जो शेडयूल H, H1 एवं X में आती है उन्हें बिना प्रिस्क्रिप्शन के नहीं बेचा जाय। इन्होने क्या कहा —-? लेकिन रायसेन जिले के औषधि निरीक्षक “अजीत जैन” इस आदेश की धज्जियां उड़ाते दिख रहे है “सहारा समाचार” टीम के द्वारा फ़ोन पर बात करने पर औषधि निरीक्षक अजीत जैन ने लगभग 24 घंटे बाद 5-6 कॉल करने पर हमारी टीम का फ़ोन उठाया एवं जानकारी देने से मना कर दिया और कहा की में इस सम्बन्ध में आप से कोई बात नहीं कर सकता। हमारे संवाददाता ने रायसेन क्षेत्र में जाकर जानकारी इकठा करने की कोशिश की तो पता चला की यहाँ पर किसी भी प्रकार की कोई कारवाही नहीं की गयी। इस से यह स्पष्ठ होता है की रायसेन के औषधि निरीक्षक इस आदेश को गंभीरता से नहीं ले रहे है आसपास के जिलों से मिली जानकारी के अनुसार मेडिकल संस्थानों पर शेडयूल H, H1 एवं X के चेतावनी का विज्ञापन प्रदर्शित देखा गया है।