LATEST NEWS

स्कूल टाइम में ढाई घंटे चलाया मोबाइल, सवा घंटे खेला कैंडी क्रश… संभल में DM ने निकाली टीचर के मोबाइल की हिस्ट्री

संभल यूपी के संभल जिले के एक सरकारी स्कूल में निरीक्षण पर पहुंचे डीएम ने पाया कि एक टीचर ड्यूटी टाइम में मोबाइल गेम खेल रहे थे. डीएम ने टीचर का मोबाइल चेक किया तो पता चला कि 5.30 घंटे के स्कूल टाइम में उन्होंने एक घंटा 17 मिनट कैंडी क्रश खेला और इसके अलावा सोशल मीडिया का भी यूज किया. इतना ही नहीं जब डीएम ने टीचर द्वारा चेक की गई कॉपियों को दोबारा देखा तो छह पेज में 95 गलतियां भी सामने आईं. मोबाइल में कैंडी क्रश गेम खेलने वाले टीचर को डीएम के निर्देश के बाद सस्पेंड कर दिया गया है.   संभल के शरीफपुर ग्राम पंचायत के सरकारी स्कूल में डीएम औचक निरीक्षण पर पहुंचे थे. यहां उन्होंने टीचरों का शिक्षण कार्य देखा और बच्चों के पढ़ाने के तरीके पूछे, उसके बाद शिक्षकों द्वारा जांची गई गृह पुस्तिकाओं को खुद चेक किया. डीएम ने क्लास के 6 छात्रों की कॉपियों के 6 पेज चेक किए तो शिक्षक के द्वारा चेक की गई कॉपियो के 6 पेज में 95 गलतियां देखने के लिए मिली हैं. जिसमें पहले पेज पर 9 गलतियां, दूसरे पर 23 गलतियां, तीसरे पेज पर 11 गलतियां, चौथे पेज पर 21 गलतियां, पांचवे पेज पर 18 गलतियां और छठे पेज पर 13 गलतियां देखने के लिए मिली. इसको लेकर उन्होंने टीचरों को फटकार भी लगाई. इस दौरान उन्होंने एक शिक्षक और एक शिक्षिका की बेहतर कार्यशैली की तारीफ भी की. स्कूल टाइम में ढाई घंटा चलाया मोबाइल इस दौरान डीएम ने शिक्षक प्रेम गोयल के मोबाइल की DIGITAL WELBEING फंक्शन से हिस्ट्री निकाली तो सामने आया कि उन्होंने स्कूल टाइम में करीब दो से ढाई घंटा मोबाइल चलाया. जिसमें एक घंटा 17 मिनट कैंडी क्रश सागा गेम खेला गया. 26 मिनट फोन पर बात की गई. इसके अलावा 17 मिनट फेसबुक, 11 मिनट गूगल क्रोम, 8 मिनट ActionDash, 6 मिनट यूट्यूब, 5 मिनट इंस्टाग्राम और 3 मिनट Read Along ऐप चलाया गया. इनमें से केवल Read Along  ऐप ही विभागीय ऐप है. स्कूल में कुल 101 छात्र, 47 ही मौजूद मिले इस स्कूल में कुल 101 छात्र-छात्राओं का नाम दर्ज है, लेकिन जब डीएम निरीक्षण पर पहुंचे तो स्कूल में 50 फीसदी से भी कम छात्रों की उपस्थिति दर्ज की गई. इस दौरान वहीं कुल 47 छात्र-छात्राएं ही मौजूद थे. हालांकि निरीक्षण के दौरान पांचों शिक्षक मौजूद थे.   स्कूल टाइमिंग में कैंडी क्रश खेल रहे थे टीचर: DM वहीं इस मामले में डीएम डॉ. राजेंद्र पैंसिया ने कहा, “स्कूल के निरीक्षण में स्कूल में कायाकल्प का काम चल रहा था. प्रधान कार्य में सहयोग नहीं कर रहे थे. ऐसे में बीडीओ को निर्देश दिए गए हैं कि कायाकल्प के काम में सहयोग कराएं. जिन पुस्तिकाओं को टीचर चेक कर चुके थे. उनमें कई कमियां मिलीं है. स्कूल टाइमिंग में एक टीचर कैंडी क्रश सागा गेम खेल चुके थे.” इस दौरान डीएम ने खराब एजुकेशन क्वालिटी को लेकर शिक्षा विभाग से नाराजगी जताई.  

कर्नाटक केवाल्मीकि निगम घोटाला मामले में ईडी ने पूर्व मंत्री और मौजूदा विधायक पर छापेमारी की

बेंगलुरु कर्नाटक (Karnataka) लोकायुक्त ने आज सुबह राज्य भर में कई सरकारी अधिकारियों के ठिकानों पर छापे मारे. जानकारी के मुताबिक, लोकायुक्त ने आय से अधिक संपत्ति के आरोपों और शिकायतों से जुड़े मामलों पर छापेमारी की है. कुल 9 जिलों में 11 मामलों से जुड़ी छापेमारी की गई है, जिनमें दावणगेरे और चित्रदुर्ग के दो-दो मामले शामिल हैं. इसके साथ ही ईडी ने भी पूर्व मंत्री और विधायक के घरों पर छापेमारी की है. मिली जानकरी के मुताबिक, जिलों के एसपी लोकायुक्त मामलों की निगरानी कर रहे हैं. 56 जगहों की तलाशी ली गई है. इसमें करीब 100 अधिकारी शामिल थे. कहां-कहां हुई छापेमारी? कलबुर्गी: बसवराज मागी, राजस्व अधिकारी, केंगेरी डिवीजन, बीबीएमपी जोन, बेंगलुरु मांड्या: शिवराजू एस, कार्यकारी अभियंता (रिटायर्ड), ग्रामीण पेयजल और स्वच्छता प्रभाग, मांड्या जिला चित्रदुर्ग: एम. ​​रवींद्र, मुख्य अभियंता (रिटायर्ड), लघु सिंचाई विभाग, बेंगलुरु धारवाड़: शेखर गौड़ा, परियोजना निदेशक बेलगावी: महादेव बन्नूर, सहायक कार्यकारी अभियंता दावणगेरे: डी. एच. उमेश, कार्यकारी अभियंता (वी) और एम. ​​एस. प्रभाकर, सहायक कार्यकारी अभियंता कोलार: विजयन्ना, तहसीलदार मैसूर:-महेश के, अधीक्षक अभियंता हासन: एन. एम. जगदीश, ग्रेड-1 सचिव चित्रदुर्ग: केजी जगदीश, अधीक्षक अभियंता 18 से ज्यादा जगहों पर ईडी की छापेमारी कर्नाटक महर्षि वाल्मीकि अनुसूचित जनजाति विकास निगम लिमिटेड में कथित अनियमितताओं के सिलसिले में प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने कर्नाटक (Karnataka) के पूर्व मंत्री बी नागेंद्र और कांग्रेस विधायक बी दद्दाल के आवासों पर 24 घंटे से ज्यादा वक्त तक छापेमारी की. केंद्रीय जांच एजेंसी ने निगम के बैंक खातों से 187 करोड़ रुपये के कथित अनधिकृत अनियमितताओं की जांच के तहत 18 से ज्यादा स्थानों पर एक साथ छापेमारी की. हालांकि ईडी अधिकारियों ने आधी रात को तलाशी रोक दी, लेकिन टीमें छापेमारी वाली जगह पर ही रहीं. गुरुवार सुबह 7 बजे निरीक्षण फिर से शुरू हुआ. मई में इस्तीफा देने से पहले नागेंद्र कर्नाटक के आदिवासी कल्याण मंत्री थे, जबकि दद्दाल निगम के अध्यक्ष थे. इस साल 21 मई को निगम के लेखा अधीक्षक चंद्रशेखरन पी की मौत के बाद कथित घोटाला सामने आया. अपने सुसाइड नोट में अधिकारी ने निगम से विभिन्न बैंक खातों में अवैध रूप से फंड ट्रांसफर करने का आरोप लगाया. घटना पर आक्रोश और विपक्ष की आलोचना के बीच दो अधिकारियों को निलंबित कर दिया गया और नागेंद्र ने मंत्री पद से इस्तीफा दे दिया. कर्नाटक सरकार ने मामले की जांच के लिए एक विशेष जांच दल (SIT) का गठन भी किया है. बुधवार को कर्नाटक के मुख्यमंत्री सिद्धारमैया ने कहा कि उनकी सरकार ईडी जांच में हस्तक्षेप नहीं करेगी. हालांकि, उपमुख्यमंत्री डीके शिवकुमार ने कहा कि ईडी की छापेमारी अनुचित थी. शिवकुमार ने कहा, “जब राज्य सरकार द्वारा गठित एसआईटी पहले से ही मामले की जांच कर रही है, तो ईडी को मामले में छापेमारी करने की कोई जरूरत नहीं थी.” उन्होंने कहा कि पिछली बीजेपी सरकार के दौरान भी इसी तरह के मामले हुए थे.  

कारपेंटर पति ने पत्नी को पढ़ाया-लिखाया, लेखपाल बनते ही छोड़ा साथ; अब लोग बोल रहे ज्योति मौर्य पार्ट- 2

 झांसी बहुचर्चित पीसीएस ज्योति मौर्या मामला अभी तक लोग पूरी तरह से भुला भी नहीं पाए थे कि ठीक वैसा ही मामला झांसी में भी सामने आया है. यहां एक युवक अपनी पत्नी के लिए दर-दर भटक रहा है. पति की मानें तो उसने लव मैरिज की थी और पत्नी को पढ़ाने के लिए उसने मेहनत मजदूरी की, लेकिन जब वह लेखपाल बन गई तो उसे छोड़कर चली गई. पत्नी के लिए वह पुलिस से लेकर अधिकारियों के चक्कर लगा चुका है लेकिन उसे न्याय नहीं मिला. जब बुधवार को पत्नी को लेखपाल के पद के लिए नियुक्ति पत्र मिल रहा था तो उसे खोजने के लिए वह गया हुआ था, लेकिन खाली हाथ लौटना पड़ा. वहीं जब इस बारे में लड़की से फोन पर बात की गई तो उसने कैमरे के सामने आने से इनकार करते हुए कहा कि उसकी कोई शादी नहीं हुई है. पीड़ित शख्स झांसी की शहर कोतवाली अंतर्गत बाहर बाबा का अटा में रहने वाला नीरज विश्वकर्मा है. नीरज तीन भाई हैं, जिनमें वह सबसे छोटा है. नीरज विश्वकर्मा कारपेंटर का काम करता है. करीब 5 साल पहले झांसी के सत्यम कॉलोनी में रहने वाली रिचा सोनी से दोस्त के घर मुलाकात हुई थी. दोनों ने करीब ढाई साल ओरछा मंदिर में जाकर शादी कर ली. जिसके बाद दोनों घर आ गए और हंसी-खुशी से रहने लगे. इस दौरान लड़की रिचा ने उसे बताया था कि वह आगे पढना चाहती है. रिचा को पढ़ाने के लिए वह मजदूरी करता था. जब रिचा का सरकारी नौकरी लेखपाल में चयन हो गया तो फिर उसके रुख बदल गए. लेखपाल के पद पर चयन होने के बाद वह उसे छोड़कर चली गई. तबसे लेकर अब तक वह लौटकर घर नहीं आई.   अपनी पत्नी को पाने के लिए युवक अधिकारी से लेकर पुलिस तक के चक्कर लगा चुका है, लेकिन पत्नी नहीं मिली. यहां तक कि जब उसे पता चला कि उसकी पत्नी को कलेक्ट्रेट में नियुक्ति पत्र मिल रहा है तो वह उसकी एक झलक पाने के लिए वहां पहुंच गया, लेकिन वहां से भी खाली हाथ लौटना पड़ा. वह नियुक्ति पत्र लेकर छिपते हुए निकल गई लेकिन उससे मुलाकात नहीं की.   नीरज ने बताया, “मैं 18 जनवरी से परेशान हूं. मेर धर्मपत्नी रिचा सोनी, जोकि अब लेखपाल बन गई हैं. इसलिए मुझे छोड़कर चली गई हैं. जिस कारण मैं दर-दर भटक रहा हूं. मैं अपनी पत्नी के लिए हर जगह जा चुका हूं, लेकिन पत्नी नहीं मिल रही है. आज उसे लेखपाल का नियुक्ति पत्र मिलना था, जब इसकी जानकारी हुई तो मैं कलेक्ट्रेट आया हुआ था. उसे खोजने के लिए हर जगह देखा, लेकिन वह नहीं मिली. वह नियुक्ति पत्र लेकर चली गई. मैने इनके लिए हर कुछ किया.” 2022 में ओरछा मंदिर में की थी शादी उसने कहा, “आज से 5-6 साल पहले इनसे उस समय मुलाकत हुई थी जब यह छोटे-छोटे बच्चों को पढ़ाती थी. यह मुलाकात दोस्ती में बदल गई. करीब छह महीने बाद यह दोस्ती कब प्यार में बदल गई यह उसे भी पता नहीं हुआ. प्यार होने के बाद दोनों अपनी मर्जी से ओरछा मंदिर में जाकर शादी कर ली. शादी करने के बाद दोनों हंसी-खुशी से रहते थे. इसके बाद उनका कुछ विवाद हुआ था, जिस कारण वह मायके चली गई थी. फैमिली कोर्ट में उसने सेक्शन 9 दायर कर उसे अपने घर बुलाया था. जनवरी महीने में रिचा का लेखपाल पद पर चयन हो गया. लेखपाल के पद पर चयन होने के बाद वह 18 जनवरी को उसे छोड़कर चली गई. इसके बाद उससे मुलाकात नहीं की. एक बार कोतवाली में मिली थी तब यह कहने लगी कि एसडीएम के पास जाओ ओर शपथ पत्र देकर आओ कि कोई शादी नही हुई है. हम कैसे कह दें कि हमारी शादी नही हुई है.” मजदूरी कर पत्नी को पढ़ाया था: पीड़ित पीड़ित पति ने कहा कि हमने रिचा को पढ़ाने के लिए बड़ी मुश्किलों का सामना किया. हम कारपेंटर है. इन्होंने जो चाहा उसने किया. हम 400-500 रुपए प्रतिदिन कमाते थे. उसी से उसकी पढ़ाई कराई, कई बार तो कर्ज भी लेना पड़ा. आज हम दिन रात उसे याद करते हैं. रात में नींद भी नहीं आती है. आज वह कहती है कि हमारी शादी नहीं हुई है. हमारे पास शादी की फोटो और प्रमाणपत्र है, क्या यह फर्जी हैं. हमारी ओरछा में शादी हुई थी फरवरी 2022 में. हम काफी परेशान है, उसके लिए दर-दर भटक रहे हैं. जहां एक ओर पति अपनी पत्नी को वापस पाने के लिए अधिकारियों के यहां चक्कर लगा रहे हैं. वहीं दूसरी ओर लड़की का कहना है कि उसने नीरज के साथ शादी ही नहीं की. उसने कहा कि यह उसे बदनाम करने की साजिश है.    

President Murmu ने राष्ट्रपति भवन में साइना नेहवाल के साथ खेला बैडमिंटन

नई दिल्ली राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने बुधवार को राष्ट्रपति भवन के बैडमिंटन कोर्ट में दिग्गज शटलर और राष्ट्रमंडल खेलों की स्वर्ण पदक विजेता साइना नेहवाल के साथ बैडमिंटन खेला. बैडमिंटन खेलने के दौरान राष्ट्रपति मुर्मू ने मंझे हुए खिलाड़ी की तरह कई शॉट लगाए और उन्होंने कई मौके पर साइना नेहवाल को मात भी दी.  इसका वीडियो भी सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है. इससे पहले बुधवार को राष्ट्रपति मुर्मू ने राष्ट्रपति भवन में प्रतिष्ठित डूरंड कप, प्रेसिडेंट्स कप और शिमला ट्रॉफी का अनावरण किया था. राष्ट्रपति सचिवालय ने सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर एक पोस्ट में कहा कि राष्ट्रपति का यह प्रेरणादायक कदम ऐसे समय में भारत के बैडमिंटन की महाशक्ति के रूप में उभरने के अनुरूप है, जब महिला खिलाड़ी विश्व मंच पर बड़ा प्रभाव डाल रही हैं. उसने मुर्मू और नेहवाल के मुकाबले की तस्वीरें साझा करते हुए लिखा, ‘राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू का खेलों के प्रति स्वाभाविक प्रेम तब देखने को मिला जब उन्होंने राष्ट्रपति भवन के बैडमिंटन कोर्ट में बहुचर्चित खिलाड़ी साइना नेहवाल के साथ बैडमिंटन खेला.’ साइना सहित पद्म पुरस्कार विजेता महिलाएं ‘उनकी कहानी-मेरी कहानी’ व्याख्यान श्रृंखला के तहत राष्ट्रपति भवन सांस्कृतिक केंद्र में व्याख्यान देंगी और दर्शकों से बातचीत करेंगी. साइना नेहवाल ने भी राष्ट्रपति के साथ खेलने का मौका मिलने पर अपनी खुशी जाहिर की. नेहवाल ने अपने सोशल मीडिया पोस्ट में कहा, “भारत के राष्ट्रपति के साथ खेलना मेरे लिए सम्मान की बात है… यह मेरे जीवन का कितना यादगार दिन है. मेरे साथ बैडमिंटन खेलने के लिए राष्ट्रपति जी  का बहुत-बहुत धन्यवाद.” ओलंपिक में जीत चुकी हैं कांस्य हरियाणा की रहने वाली, 33 वर्षीय शटलर नेहवाल ने अपने करियर की शुरुआत में 2008 में BWF विश्व जूनियर चैंपियनशिप जीतकर सभी का ध्यान आकर्षित किया था. 2008 में, वह ओलंपिक क्वार्टर फाइनल में पहुंचने वाली पहली भारतीय महिला बनीं. उन्होंने हांगकांग की तत्कालीन विश्व नंबर पांच खिलाड़ी वांग चेन को हराया, लेकिन इंडोनेशिया की मारिया क्रिस्टिन यूलियांटी से हार गईं. 2009 में, साइना BWF सुपर सीरीज प्रतियोगिता जीतने वाली पहली भारतीय बनीं.  उन्हें 2009 में अर्जुन पुरस्कार और 2010 में राजीव गांधी खेल रत्न पुरस्कार से सम्मानित किया गया. लंदन में 2012 ओलंपिक खेलों के दौरान, नेहवाल ने महिला एकल कांस्य पदक जीता. उन्होंने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर 20 से अधिक खिताब जीते हैं और 2016 में केंद्र ने उन्हें प्रतिष्ठित पद्म भूषण से सम्मानित किया था. शटलर ने भारत के लिए एक शानदार करियर बनाया है, जिसने देश में खेल को बदल दिया है। साइना ने कई प्रमुख बैडमिंटन प्रतियोगिताओं में भारत का प्रतिनिधित्व किया, जिसमें उन्होंने कई ट्रॉफी और पदक जीते। वह खेल में दुनिया की नंबर 1 रैंकिंग रखने वाली एकमात्र महिला भारतीय खिलाड़ी भी हैं.  

उत्तर प्रदेश में मानसून का होगा तांडव? आएगा आंधी-तूफान, जमकर बरसेगा आसमान, बारिश बनेगी काल

गोरखपुर उत्तर प्रदेश में रुक-रुककर हल्की बारिश का सिलसिला तो काफी दिनों से जारी है लेकिन आज यानी 11 जुलाई से कई इलाकों में जमकर बरसात के आसार हैं. मिली जानकारी के मुताबिक, तीन दिनों तक यूपी के ज्यादातर जिलों में खूब बारिश हो सकती है. मौसम विभाग (IMD) की मानें तो 11 से 13 जुलाई के मध्य पूर्वी और पश्चिमी क्षेत्रों में भारी गरज और चमक के साथ मूसलाधार बारिश को लेकर चेतावनी जारी की गई है. बीते कई दिनों से बादल आवाजाही कर रहे थे जो अब संपूर्ण प्रदेश पर पूरी तरह छा चुके हैं और ऐसे में अब अत्यधिक बारिश की स्थिति बन रही है. वरिष्ठ मौसम वैज्ञानिक मोहमद दानिश ने बताया कि मैदानी इलाकों में मॉनसूनी बादल उत्तर दिशा की तरफ बढ़ रहे हैं, जिसकी वजह से तेज बारिश के संयोग बन रहे हैं. इन जिलों में भारी से बहुत भारी बारिश का अलर्ट मौसम विभाग के मुताबिक, यूपी के कुशीनगर, देवरिया, संतकबीर नगर, गोरखपुर, सिद्धार्थनगर, महराजगंज, लखीमपुरखीरी के आसपास के इलाके में मूसलाधार बारिश को लेकर अलर्ट है. इसके चलते आवश्यकता से अधिक बारिश हो सकती है. इतना ही नहीं उत्तर प्रदेश के अन्य जिलों में सीतापुर, पीलीभीत, रामपुर, श्रावस्ती, गोंडा, बस्ती, बरेली, बहराइच, चित्रकूट, प्रयागराज, शाहजहांपुर, मिर्जापुर, फतेहपुर, सोनभद्र और कौशांबी के आसपास के इलाकों में बिजली गिरने के साथ साथ भारी बारिश और बिजली गरजे और चमकने की संभावना है. दिल्ली से सटे यूपी के इलाके यानी नोएडा-गाजियाबाद की बात करें तो यहां भी रुक-रुककर हल्की बारिश का सिलसिला जारी है. आज भी इन इलाकों में आसमान में आंशिक रूप से बादल छाए रहेंगे और एक या दो बार बारिश या गरज के साथ बौछारें पड़ेंगी. लेकिन 12 जुलाई को यहां भी बारिश की गतिविधियां बढ़ जाएंगी. इसके बाद फिर हल्की बारिश का सिलसिला जारी रहेगा. मौसम विभाग के मुताबिक 12 जुलाई को पश्चिमी उत्तर प्रदेश में अलग-अलग जगहों पर और पूर्वी उत्तर प्रदेश में कई स्थानों पर भारी बारिश और गरज के साथ छीटें पड़ने की संभावना है। आंचलिक मौसम केंद्र की चेतावनी के मुताबिक शुक्रवार को राज्य के तराई क्षेत्रों में गरज-चमक के साथ भारी बारिश की संभावना है। मौसम विभाग के मुताबिक शुक्रवार को पूर्वी उत्तर प्रदेश के श्रावस्ती, बस्ती, कुशीनगर, बहराइच, सिद्धार्थनगर, महाराजगंज, देवरिया, गोंडा, बलरामपुर, गोरखपुर, संत कबीर नगर में भारी बारिश हो सकती है। वहीं गाजियाबाद, गौतम बुद्ध नगर, हापुड़, मुरादाबाद, अमरोहा, संभल, रामपुर, बिजनौर, हाथरस, मथुरा, बुलंदशहर, अलीगढ़, आगरा, फिरोजाबाद और आसपास के इलाकों में भी बारिश की चेतावनी जारी की गई है। आईएमडी के मुताबिक अगले 2 दिनों के दौरान अधिकतम तापमान में धीरे-धीरे 2 से 4 डिग्री सेल्सियस के वृद्धि होने तथा उसके बाद 3 से 6 डिग्री सेल्सियस की गिरावट आने की संभावना है। अगले 5 दिनों के दौरान न्यूनतम तापमान में कोई बड़ा बदलाव होने की संभावना नहीं है।  

मुख्यमंत्री की अध्यक्षता में वंदे मातरम् गान के साथ आरंभ हुई मंत्रि-परिषद की बैठक

भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि प्रसन्नता का विषय है कि केंद्रीय गृहमंत्री श्री अमित शाह आगामी 14 जुलाई को प्रदेश के सभी 55 जिलों में प्रधानमंत्री कॉलेज ऑफ एक्सीलेंस का एक साथ शुभारंभ कर रहे हैं। एक्सीलेंस कॉलेजों की विशेषता है कि नई शिक्षा नीति के अनुरूप इनमें सभी कोर्स उपलब्ध होंगे तथा ये कॉलेज सभी संसाधनों से युक्त होंगे। युवा पीढ़ी को इन कॉलेजों का लाभ मिलेगा। सभी मंत्रीगण अपने-अपने क्षेत्र में कॉलेजों के शुभारंभ कार्यक्रम में अवश्य शामिल हों। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने मंत्रि-परिषद की बैठक से पहले अपने संबोधन में यह बात कही। बैठक मंत्रालय में वंदे मातरम् गान के साथ आरंभ हुई। बजट के प्रमुख बिन्दुओं पर जिलों में हों संवाद कार्यक्रम मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि प्रदेश के बजट की सभी ओर सराहना हो रही है। बजट के जन-कल्याण एवं विकास से संबंधित प्रमुख बिंदुओं पर सभी जिलों में संवाद कार्यक्रम किए जाएं। प्रदेश के विभिन्न अंचलों को राजधानी से सीधे जोड़ने के लिए बनने वाले एक्सप्रेस-वे तथा सभी विभागों को उपलब्ध कराई गई पर्याप्त राशि से प्रदेश के विकास पर होने वाले प्रभाव के संबंध में जिलों में चर्चा हो। प्रदेश के सभी जिलों में औद्योगिक गतिविधियों का हो विस्तार मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि 20 जुलाई को जबलपुर में इन्वेस्टर्स समिट का आयोजन हो रहा है। प्रदेश में औद्योगिक गतिविधियों के विस्तार के लिए सभी जिलों में सहयोग व मार्गदर्शन कार्यक्रम संचालित किए जाएं। प्रदेश के स्थानीय औद्योगिक इकाई संचालकों की समस्याओं का समाधान कर उन्हें अपनी गतिविधियों का विस्तार करने एवं निवेश को बढ़ाने के लिए आवश्यक सहायता उपलब्ध कराते हुए प्रोत्साहित किया जाए। पड़ोसी राज्यों के साथ समन्वित गतिविधियों का होगा विस्तार मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि पड़ौसी राज्यों के साथ विभिन्न गतिविधियों में समन्वय और सहयोग बढ़ाया जाएगा। राजस्थान के मुख्यमंत्री ने मध्य प्रदेश और राजस्थान के धार्मिक महत्व के स्थलों में बेहतर नेटवर्क विकसित करने में रुचि दिखाई है। दोनों राज्यों के बीच ‘नदी जोड़ों अभियान’ पर भी गतिविधियां चल रही हैं। इसी प्रकार महाराष्ट्र के साथ भी नदी जोड़ों अभियान की संभावनाओं पर चर्चा हुई है। नवाचार से छिंदवाड़ा सहित अन्य जिलों में पर्याप्त सिंचाई सुविधा उपलब्ध हो सकेगी। जिला स्तर पर लक्ष्य तय कर सभी विभागों के समन्वय से किया जाए पौध-रोपण मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि प्रदेश में पौध-रोपण अभियान के अंतर्गत साढे 5 करोड़ पौधे लगाए जा रहे हैं। उन्होंने इंदौर एवं भोपाल में जारी पौध-रोपण गतिविधियों की प्रशंसा करते हुए कहा कि सभी जिले पौध-रोपण का लक्ष्य तय करें एवं सभी विभागों में समन्वय करते हुए इसे अंजाम दिया जाए। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि अभियान में लगाए गए पौधों के रख-रखाव के लिए लोगों को प्रेरित भी किया जाए।  

गौतम गंभीर को वर्ल्ड चैंपियन, IPL चैंपियन की अधूरी ख्वाहिश

नई दिल्ली  गौतम गंभीर को 9 जुलाई 2024 को 2027 तक के लिए भारतीय मेंस टीम का मुख्य कोच नियुक्त किया गया। वह राहुल द्रविड़ की जगह ले चुके हैं, जिनका कार्यकाल टी-20 विश्व कप के बाद खत्म हो गया था। 14 अक्टूबर 1981 को दिल्ली में पैदा हुए गौतम गंभीर अपने दौर के बेहतरीन खिलाड़ियों में शुमार थे। 2004 में टेस्ट डेब्यू के बाद गंभीर का करियर 2008 तक उतार-चढ़ाव भरा रहा। अपने कभी हार न मानने के जज्बे के कारण उन्होंने जल्द ही टीम में जगह पक्की कर ली। दो-दो वर्ल्ड कप, तीन बार आईपीएल चैंपियन जीतने वाले गंभीर ने करियर में सबकुछ हासिल किया, जिसके वो हकदार थे, लेकिन उनके करियर में दो डबल जीरो काले दाग की तरह है। जीजी को भी इसकी कसक होती होगी। चलिए जानते हैं क्या है गंभीर के करियर की ये कसक और क्या है उनके डबल जीरो… डबल जीरो की कहानी क्या है? एक बार टी-20 वर्ल्ड कप जीतने और दो बार आईपीएल चैंपियन बनने के बावजूद गौतम गंभीर दोनों ही टूर्नामेंट में कभी शतक नहीं जड़ पाए। 37 टी-20 इंटरनेशनल मैच में गंभीर ने सात अर्धशतक जरूर जमाए, लेकिन एक भी सेंचुरी नहीं लगा पाए। दूसरी ओर आईपीएल में उन्होंने 154 मैच खेले, जिसमें 36 अर्धशतक जरूर जमाए, लेकिन यहां भी शतक नहीं बना पाए। गौतम गंभीर के खेल में वीरेंद्र सहवाग, राहुल द्रविड़, सचिन तेंदुलकर और वीवीएस लक्ष्मण के कुछ न कुछ गुण समाहित थे। गंभीर आक्रामक बल्लेबाजी के लिए मशहूर थे। तेजी से रन बनाने के लिए पहचाने जाते थे, वह दोनों ही फॉर्मेट में शतक डिजर्व करते थे। मगर ऐसा हो न सका। कैसा है T20I और IPL करियर गौतम गंभीर ने 37 टी-20 इंटरनेशनल की 36 पारियों में 27.41 की औसत और 119.02 की स्ट्राइक रेट से 932 रन बनाए हैं, उनका सर्वोच्च स्कोर 75 है। आईपीएल के 154 मैच में गंभीर ने 4217 रन बनाए। 31.24 की एवरेज और 123.88 की स्ट्राइक रेट से बनाए गए इन रनों के दौरान 93 उनका बेस्ट स्कोर था। अपनी शर्तों पर काम करने वाला शख्स गौतम गंभीर को अपनी शर्तों पर काम करने वाला व्यक्ति भी माना जाता है और यह देखना दिलचस्प होगा कि भारतीय टीम के मुख्य कोच की भूमिका में वह किस तरह से आगे बढ़ते हैं। गंभीर वह खिलाड़ी हैं, जिन्होंने वीरेंद्र सहवाग के साथ मिलकर भारतीय सलामी जोड़ी को नई दिशा दी थी, लेकिन उन्हें अपने मुखर व्यक्तित्व के लिए भी जाना जाता है और यही वजह है कि वनडे विश्व कप 2011 में खिताब जीत का श्रेय केवल महेंद्र सिंह धोनी को मिलने पर उन्होंने जब तब आपत्ति जताई। आईपीएल में कोलकाता नाइट राइडर्स को दो बार चैंपियन बनाकर उन्होंने साबित कर दिया कि वह एक कुशल रणनीतिकार हैं। इस साल आईपीएल में वह कोलकाता के मेंटॉर बने थे और यह टीम तीसरी बार खिताब जीतने में सफल रही थी।

PLI योजना के लागू किए जाने के तीन साल के अंदर तीन हजार करोड़ रुपये का निवेश भी हुआ

नई दिल्‍ली  देश में उत्‍पादन से जुड़ी प्रोत्साहन योजना (पीएलआई) के तहत दूरसंचार उपकरणों की विनिर्माण संबंधी बिक्री 50 हजार करोड़ रुपये के पार पहुंच गई है। इस योजना के लागू किए जाने के तीन साल के अंदर तीन हजार करोड़ रुपये का निवेश भी हुआ है। दूरसंचार विभाग (डॉट) ने एक बयान में बताया कि पीएलआई के तहत दूरसंचार उपकरणों की निर्माण संबंधी बिक्री 50 हजार करोड़ रुपये के पार पहुंच गई है। इस योजना के लागू किए जाने के तीन साल के अंदर 3,400 करोड़ रुपये का निवेश भी हुआ है। इसके तहत करीब 10,500 करोड़ का निर्यात हुआ है, जिससे 17,800 से अधिक प्रत्यक्ष और कई अप्रत्यक्ष रोजगार सृजित हुए हैं। डॉट ने कहा कि इलेक्ट्रॉनिक्स के बड़े पैमाने पर इलेक्ट्रॉनिक विनिर्माण के लिए उत्पादन से जुड़ी प्रोत्साहन योजना मोबाइल फोन और उसके घटकों के विनिर्माण करती है। इसके परिणामस्वरूप भारत से मोबाइल फोन के उत्पादन और निर्यात दोनों में काफी तेजी आई है। भारत कई वर्षों से दूरसंचार उपकरणों का आयात करता रहा है, लेकिन मेक-इन-इंडिया और पीएलआई योजना के कारण संतुलन बदल गया है, जिसके कारण देश में 50 हजार करोड़ रुपये से अधिक मूल्य के उपकरणों का उत्पादन हो रहा है। विभाग के मुताबिक वित्‍त वर्ष 2014-15 में भारत मोबाइल फोन का एक बड़ा आयातक था, जब देश में सिर्फ 5.8 करोड़ यूनिट का उत्पादन होता था, जबकि 21 करोड़ यूनिट का आयात होता था लेकिन वित्‍त वर्ष 2023-24 में भारत में 33 करोड़ यूनिट का उत्पादन हुआ है। इस दौरान केवल 0.3 करोड़ यूनिट का आयात हुआ और करीब 5 करोड़ यूनिट का निर्यात हुआ। मोबाइल फोन के निर्यात का मूल्य वित्‍त वर्ष 2014-15 में 1,556 करोड़ रुपये और वित्‍त वर्ष 2017-18 में 1,367 करोड़ रुपये से बढ़कर वित्‍त वर्ष 2023-24 में 1,28,982 करोड़ रुपये हो गया है। वित्त वर्ष 2014-15 में मोबाइल फोन का आयात 48,609 करोड़ रुपये का था, जो वित्‍त वर्ष 2023-24 में घटकर मात्र 7,665 करोड़ रुपये रह गया है। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के भारत को ‘आत्मनिर्भर’ बनाने के दृष्टिकोण के अनुरूप दूरसंचार और नेटवर्किंग उत्पादों तथा इलेक्ट्रॉनिक्स के बड़े पैमाने पर विनिर्माण के लिए उत्पादन से जुड़ी प्रोत्साहन योजना से देश में उत्पादन, रोजगार सृजन, आर्थिक विकास और निर्यात में उल्लेखनीय वृद्धि हुई है।    

अनुसूया ने अपना नाम बदलकर एम. अनुकाथिर सूर्या और लिंग बदलकर महिला से पुरुष करने का अनुरोध किया था, मिली मंजूरी

नई दिल्ली  वित्त मंत्रालय ने एक ऐतिहासिक फैसले में भारतीय राजस्व सेवा (आईआरएस) की एक वरिष्ठ महिला अधिकारी के सभी आधिकारिक अभिलेखों में अपना नाम और लिंग बदलने के अनुरोध को मंजूरी दे दी है। यह अनुरोध 2013 बैच की आईआरएस (सीमा शुल्क व अप्रत्यक्ष कर) अधिकारी सुएम. अनुसूया ने किया था। वह वर्तमान में हैदराबाद में सीमा शुल्क, उत्पाद शुल्क व सेवा कर अपीलीय न्यायाधिकरण (सीईएसटीएटी) के मुख्य आयुक्त के कार्यालय में संयुक्त आयुक्त के रूप में कार्यरत हैं। अनुसूया ने अपना नाम बदलकर एम. अनुकाथिर सूर्या और लिंग बदलकर महिला से पुरुष करने का अनुरोध किया था। केंद्रीय अप्रत्यक्ष कर एवं सीमा शुल्क बोर्ड नौ जुलाई 2024 को जारी कार्यालय आदेश में कहा कि प्राधिकारी ने उनके अनुरोध पर विचार किया गया और ‘‘ अब से अधिकारी को सभी आधिकारिक अभिलेखों में अनुकाथिर सूर्या के रूप में मान्यता दी जाएगी।’’ यह आदेश सक्षम प्राधिकारी के अनुमोदन से जारी किया गया है। सूर्या ने दिसंबर 2013 में चेन्नई में सहायक आयुक्त के रूप में अपना करियर शुरू किया। 2018 में उन्हें उप आयुक्त के रूप में पदोन्नत किया गया। पेशेवर मंच लिंक्डइन प्रोफाइल के अनुसार, पिछले साल वह हैदराबाद तैनात की गईं। सूर्या ने 2010 में मद्रास इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी से इलेक्ट्रॉनिक्स व संचार में स्नातक की डिग्री हासिल की। 2023 में भोपाल में नेशनल लॉ इंस्टीट्यूट यूनिवर्सिटी से ‘साइबर लॉ एंड साइबर फोरेंसिक’ में पीजी डिप्लोमा किया।    

रितेश-जेनेलिया करेंगे अंगदान, लिया बड़ा फैसला

मुंबई, शादी के 12 साल बाद भी एक्टर रितेश देशमुख और जेनेलिया डिसूजा दोनों न्यू कपल लगते हैं। दोनों एक-दूसरे से बेतहाशा मोहब्बत करने के साथ-साथ एक-दूसरे की काफी इज्जत भी करते हैं। इसी बीच कपल ने अपनी लाइफ में एक बड़ा फैसला किया है। कपल ने बताया कि वे अंग दान करने जा रहे हैं। इस बारे में दोनों लंबे वक्त से सोच रहे हैं, लेकिन अब वक्त आ गया है कि वे इस नेक काम ने आगे बढ़े। रितेश देशमुख इससे पहले अंग दान के बारे में बताते हुए अपने इंस्टाग्राम हैंडल पर एक वीडियो शेयर किया था, जिसमें उन्होंने अंग दान करने की अपने फैसला के बारे में बात की थी, जिसके बारे में वे काफी लंबे समय से सोच रहे थे। उन्होंने कहा कि किसी के लिए जीवन के उपहार से बड़ा कोई उपहार नहीं हो सकता है। कपल ने 1 जुलाई अपने इस प्लान के बारे में बताया था।वीडियो में रितेश देशमुख को ये कहते हुए देखा गया था कि – आज, 1 जुलाई को हम आपको बताना चाहते हैं कि हमने अपने अंग दान करने का फैसला किया है। वहीं वीडियो में जेनेलिया ने कहा, हां, हमने अपने अंग दान करने का संकल्प लिया है और यह हमारे लिए जीवन के उपहार से बेहतर कोई उपहार नहीं है। अब कपल के इस वीडियो को नेशनल ऑर्गन एंड टिशू ट्रांसप्लांट ऑर्गनाइजेशन (नोटटो) ने अपने आधिकारिक हैंडल पर शेयर किया है। नोटटो इन दिग्गज अभिनेताओं का आभार व्यक्त किया है। इस वीडियो को शेयर करते हुए कैप्शन में लिखा है, बॉलीवुड के स्टार कपल रितेश देशमुख और जेनेलिया को जुलाई के चल रहे अंगदान महीने के दौरान अपने अंग दान करने का संकल्प लेने के लिए धन्यवाद। उनका यह कदम दूसरों को भी इस नेक काम से जुड़ने के लिए प्रेरित करेगा। #अंगदान #बॉलीवुड #जीवन बचाएं।   आपको याद दिला दें कि अमिताभ बच्चन के कौन बनेगा करोड़पति-12 के करमवीर स्पेशल एपिसोड में जब मोहन फाउंडेशन के संस्थापक ट्रस्टी डॉ. सुनील श्रॉफ आए थे। तब इस उनके साथ एक्टर रितेश देशमुख इस एपिसोड का हिस्सा बने थे। शो में रितेश ने बताया था कि वे भी अंग दान करना चाहते हैं। उनके इस नेक काम में उनकी वाइफ जेनेलिया डिसूजा भी उनका साथ देने वाली हैं। दोनों लंबे वक्त से इस नेक काम को करना चाहते हैं, लेकिन किसी न किसी वजह से वे फैसला नहीं कर पा रहे थे। रितेश देशमुख और जेनेलिया की शादी साल 2012 में हुई थी। अब कपल की शादी को 12 साल हो गए हैं और उनके दो मासूम बेटे भी हैं। बता दें कि रितेश देशमुख और जेनेलिया डिसूजा बी-टाउन के आईडियल और फेमस कपल्स में से एक हैं। दोनों अक्सर सोशल मीडिया पर कपल गोल्स देते दिखाई देते हैं।

प्रदेश की आर्थिक राजधानी इंदौर में मुख्य राजधानी से तीन गुना ज्यादा रियलिटी प्रोजेक्ट के रजिस्ट्रेशन हुए

भोपाल.  मध्य प्रदेश के लोग भोपाल से ज्यादा इंदौर में रहना पसंद करते हैं. यह बात उन रियलिटी प्रोजेक्ट के आंकड़ों से निकलकर आई है, जो दोनों शहरों में तैयार हो चुके हैं. प्रदेश की आर्थिक राजधानी इंदौर में मुख्य राजधानी से तीन गुना ज्यादा रियलिटी प्रोजेक्ट के रजिस्ट्रेशन हुए. इस बात ने ये साबित कर दिया कि भोपाल से ज्यादा लोग इंदौर को पसंद कर रहे हैं. रियल एस्टेट रेगुलेटरी ऑथोरिटी (RERA) के मुताबिक साल 2022-23 में इंदौर में 258 प्रोजेक्ट के रजिस्ट्रेशन हुए, जबकि भोपाल में प्रोजेक्ट की संख्या महज 78 थी. प्रदेश में भोपाल और इंदौर ही ऐसे शहर हैं जहां रियल एस्टेट में सबसे ज्यादा काम होता है. साल 2022-23 में राज्य की संस्कारधानी जबलपुर में 40 प्रोजेक्ट, उज्जैन में 29 प्रोजेक्ट और ग्वालियर में 12 रियल एस्टेट प्रोजेक्ट का रजिस्ट्रेशन हुआ. हैरान करने वाली बात है कि खरगोन में जबलपुर, उज्जैन और ग्वालियर से भी ज्यादा प्रोजेक्ट के रजिस्ट्रेशन हुए. साल 2022-23 में यहां 45 प्रोजेक्ट का रजिस्ट्रेशन हुआ. रेरा के आंकड़े बताते हैं कि मध्य प्रदेश में रियल एस्टेट सेक्टर ने पिछले कुछ सालों में अच्छी रफ्तार पकड़ी है. गौरतलब है कि राज्य में रेरा का गठन 1 मई 2017 को हुआ था. बिल्डरों, प्रमोटरों और एजेटों के खिलाफ लगातार शिकायतें मिलने के बाद सरकार ने रेरा का गठन किया था. लोगों की थीं ये शिकायतें दरअसल, लोगों ने उन दिनों सरकार से शिकायतें की थीं कि उन्हें घरों का पजेशन नहीं मिल रहा, जबकि वे बिल्डर को पूरा भुगतान कर चुके हैं. इसके अलावा लोगों को ये भी शिकायत थी कि रियल एस्टेट के प्रमोटरों का व्यवहार ठीक नहीं है. वे लापरवाह हैं. वे एग्रीमेंट पर साइन करने के बाद पूरी तरह से बदल जाते हैं और रूखा व्यवहार करते हैं. इन सब शिकायतों देखते हुए ही सरकार ने रेरा के गठन का फैसला किया था. जानकारी के मुताबिक, मार्च 2023 तक रेरा के पास 846 पेंडिंग शिकायते हैं. गौरतलब है कि सरकार की नोटबंदी और कोरोना की वजह से रियल एस्टेट कारोबार पूरी तरह थम गया था. लेकिन, अब बिल्डरों का कहना है कि उनके बिजनेस में स्थिरता आ रही है. अब नोटबंदी और कोविड-19 के बाद से स्थितियां बदल गई हैं. इस वजह से बढ़ते हैं दाम भोपाल से प्रकाशत अंग्रेजी अखबार  के मुताबिक, बिल्डरों का कहना है कि रेरा आने के बाद स्थितियां बदल गई हैं. त्योहारों के सीजन में रिएल एस्टेट के कारोबार में तेजी आती है. लोग इस सीजन में नया घर खरीदते हैं. बाजार विशेषज्ञों का कहना है कि इस सेक्टर को और गति देने के लिए राज्य में और प्रोजेक्ट लाए जाने की जरूरत है. प्रशासन को मास्टर प्लान लाना चाहिए, ताकि बिल्डरों को और ज्यादा जमीनें मिल सकें. फिलहाल जितनी भी जमीन हैं उनका इस्तेमाल हो चुका है. जब शहर में जमीन नहीं बचती तो प्रॉपर्टी के रेट बढ़ जाते हैं. प्रॉपर्टी की ज्यादा मांग और कम विकल्प होने की वजह से दामों पर असर पड़ता है.

गजकेसरी योग: आज वृषभ, कर्क, तुला, मकर और कुंभ राशि के लिए अत्यंत शुभ और सौभाग्यशाली

कल 11 जुलाई दिन गुरुवार को चंद्रमा सिंह उपरांत कन्या राशि पर संचार करने वाले हैं। साथ ही कल आषाढ़ मास के शुक्ल पक्ष की षष्ठी तिथि है इस दिन गजकेसरी योग, रवि योग और पूर्वाफाल्गुनी नक्षत्र का शुभ संयोग बन रहा है, जिससे कल के दिन का महत्व बढ़ गया है। वैदिक ज्योतिष के अनुसार, कल बन रहे शुभ योग का फायदा कर्क, तुला, मकर समेत अन्य 5 राशियों को मिलने वाला है। इन राशियों को रोजगार से जुड़ी कोई नई खबर सुनने को मिलेगी और धर्म कर्म के कार्यों में मन लगेगा। राशियों के साथ कुछ ज्योतिष उपाय भी बताए गए हैं, इन उपायों को करने से कुंडली में गुरु बृहस्पति की स्थिति मजबूत होगी और भगवान नारायण का आशीर्वाद भी प्राप्त होगी, जिससे इन 5 राशियों के जीवन में सकारात्मक परिणाम देखने को मिलेंगे। आइए जानते हैं कल यानी 11 जुलाई का दिन किन किन राशियों के लिए लकी रहने वाला है। वृषभ राशि वालों के लिए कैसा रहेगा 11 जुलाई का दिन कल यानी 11 जुलाई का दिन वृषभ राशि वालों के लिए अनुकूल रहने वाला है। वृषभ राशि वाले कल अपने लक्ष्यों को लेकर काफी गंभीर रहेंगे और दूसरों से अपनी बात मनवाने में सफल भी होंगे। नौकरी पेशा जातक कल अतिरिक्त मेहनत और समर्पण के माध्यम से कार्यों को पूरा करेंगे, जिससे कार्यक्षेत्र में आपके काम की सराहना होगी और प्रमोशन के योग भी बन रहे हैं। वहीं व्यापारी कल अच्छा मुनाफा अर्जित करेंगे और बिजनस में प्रगति के मार्ग पर आगे बढ़ते जाएंगे। भाई-बहनों और पड़ोसियों के साथ आपके संबंध अच्छे बने रहेगी और आपके आसपास हो रहे कार्यों में आपकी सलाह भी ली जाएगी। साथ ही पूरे परिवार के साथ किसी धार्मिक स्थल की यात्रा पर जाने के योग भी बन रहे हैं। भगवान विष्णु की कृपा से कल आपके कुछ अधूरे कार्य पूरे होने की संभावना बन रही है, जिससे आपका मानसिक शांति मिलेगी। वृषभ राशि वालों के लिए गुरुवार का उपाय : मनोकामना पूर्ति के लिए गुरुवार शाम को पीले कपड़े में एक सिक्का, एक गुड़ की डाल और सात साबुत हल्दी की गांठ बांधकर रेलवे लाइन के पास फेंक दें और फिर मंदिर चले जाएं। कर्क राशि वालों के लिए कैसा रहेगा 11 जुलाई का दिन कर्क राशि वालों के लिए कल यानी 11 जुलाई का दिन अत्यंत फलदायी साबित होगा। कर्क राशि वालों की कल भाग्य का साथ मिलने से सभी इच्छाएं पूरी होंगे और आपका व्यक्तित्व आकर्षक बनेगा। आपके संबंध समाज के कुछ प्रभावशाली लोगों से बनेंगे, जिनका फायदा आपको निकट भविष्य में मिलेगा। अगर आप कोर्ट कचहरी के मामलों में फंसे हुए हैं तो कल आपकी विजय हो सकती है, जिससे आप राहत की सांस ले पाएंगे। नौकरी पेशा जातक कल अपने काम से अधिकारियों का दिल जीतने में कामयाब रहेंगे और किसी दूसरी कंपनी से अच्छी आमदनी के साथ ऑफर मिल सकता है। आपके द्वारा किए गए निवेश से अच्छा रिर्टन प्राप्त होगा, जिससे आपका मनोबल बढ़ेगा। लव लाइफ वाले कल पार्टनर के साथ भविष्य की योजनाओं पर चर्चा करेंगे और किसी रोमांटिक डिनर पर भी जा सकते हैं। कर्क राशि वालों के लिए गुरुवार का उपाय : घर में सुख-शांति और समृद्धि के लिए गुरुवार को केसर, पीला चंदन, हल्दी का दान करें। साथ ही इनका तिलक भी लगाएं। इससे कुंडली में गुरु की स्थिति भी मजबूत होती है। तुला राशि वालों के लिए कैसा रहेगा 11 जुलाई का दिन कल यानी 11 जुलाई का दिन तुला राशि वालों के लिए शुभ परिणाम लेकर आएगा। तुला राशि वालों को कल भाग्य का पूरा सहयोग मिलने से आय के नए स्रोत मिलेंगे और दूसरों की मदद के लिए भी तैयार रहेंगे, जिससे आपके यश और सम्मान में वृद्धि होगी। अगर आप खुद का बिजनस कर रहे हैं तो कल अच्छा लाभ प्राप्त करेंगे और अपने क्षेत्र में एक नया मुकाम हासिल करेंगे। सराकर के कुछ बड़े लोगों से आपकी पहचान बढ़ेगी, जिससे आपके अधूरे कार्य पूरे होंगे और धन प्राप्ति के नए मार्ग भी मिलेंगे। परिवार में आपसी तालेमल होने से आपके रिश्ते सभी सदस्यों के साथ मजबूत होंगे और संतान की ओर से कोई शुभ समाचार मिल सकता है। कल आपकी सुख सुविधाओं में इजाफा होगा और जीवनसाथी के साथ किसी संपत्ति की खरीदारी भी कर सकते हैं। परिवार में चल रही परेशानियों से मुक्ति मिलने पर मन प्रसन्न रहेगा। तुला राशि वालों के लिए गुरुवार का उपाय : गुरुवार को केले के वृक्ष की पूजा करें और देसी घी का दीपक जलाकर विधिवत पूजा करें। इसके साथ ही पीले कपड़े पहनें और पीली चीजों का सेवन करें। मकर राशि वालों के लिए कैसा रहेगा 11 जुलाई का दिन मकर राशि वालों को कल यानी 11 जुलाई के दिन लाभ मिलने के संकेत मिल रहे हैं। मकर राशि वालों के जीवन स्तर में सुधार आने की संभावना बन रही है और लाभ प्राप्ति के लिए बनाई गईं योजनाएं भी सफल होंगी। अगर आप निवेश करने की योजना बना रहे हैं तो भाग्य का साथ मिलने से आगे चलकर अच्छा लाभ मिलने की संभावना बन रही है। धर्म कर्म के कार्यों में आपका मन लगेगा और दान धर्म के कार्यों में धन भी खर्च कर सकते हैं। नौकरी और व्यापारियों की कल पद और प्रतिष्ठा में वृद्धि होती नजर आ रही है और आमदनी वृद्धि के नए मार्ग भी मिलेंगे। संतान को लेकर कोई परेशानी चल रही थी तो कल उसमें कुछ राहत मिलती नजर आ रही है। विदेश में रहने वाले रिश्तेदारों से शुभ समाचार मिलेगा और उच्च शिक्षा के लिए छात्रों का विदेश जाने का सपना पूरा होगा। परिवार में विवाह योग्य जातकों के लिए कल अच्छे रिश्ते आ सकते हैं।  

ग्लोबल वार्मिंग के कारण लगातार मौसम परिवर्तन को देखते हुए सभी जिलों में 20 को चलेगा बड़ा अभियान

लखनऊ ग्लोबल वार्मिंग के कारण लगातार मौसम में परिवर्तन देखने को मिल रहा है। कहीं इतनी बारिश हो रही है कि सड़क से रेल तक का संपर्क टूट जा रहा है। कहीं लोग बारिश को तरस रहे हैं। जो बारिश एक महीने में होनी चाहिए वह एक दिन में ही कहीं कही हो रही है। यह सभी ग्लोबल वार्मिंग के कारण ही माना जा रहा है। ऐसे में विज्ञानी ज्यादा से ज्यादा पेड़ लगाने पर जोर दे रहे हैं। यूपी की योगी सरकार भी ‘पेड़ लगाओ-पेड़ बचाओ जन अभियान चलाने जा रही है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मंगलवार को अपने सरकारी आवास पर इस अभियान की समीक्षा की। इसी के तहत 20 जुलाई को पेड़ लगाने का रिकार्ड बनाने की तैयारी है। सीएम योगी ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व व मार्गदर्शन में ‘एक पेड़ मां के नाम’ अभियान को सफलतापूर्वक आगे बढ़ाया गया है। इस अभियान के तहत प्रदेश को इस वर्ष 36.46 करोड़ से अधिक का लक्ष्य मिला है। मुख्यमंत्री ने सभी संबंधित विभागों को निर्देश दिया कि आपसी समन्वय से इस लक्ष्य को हर हाल में आगामी 20 जुलाई को पूरा करें। उन्होंने मंत्रियों व विभागाध्यक्षों को दिशा-निर्देश भी दिए। मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तर प्रदेश पर प्रकृति व परमात्मा की असीम कृपा है। यहां पौधरोपण अभियान अब जनांदोलन का स्वरूप ले चुका है। विगत छह वर्ष में यहां 168 करोड़ से अधिक पौधे रोपित किए जा चुके हैं। जिनमें 2017-18 में 5.72 करोड़, 2018-19 में 11.77 करोड़, 2019-20 में 22.60 करोड़, 2020-21 में 25.87 करोड़, 2021-22 में 30.53 करोड़, 2022-23 में 35.49, 2023-24 में 36.16 करोड़ पौधरोपण किए गए। प्रदेश में 20 जुलाई को लगेंगे 36.46 करोड़ से अधिक पौधे मुख्यमंत्री ने कहा कि एफएसआई रिपोर्ट के अनुसार उत्तर प्रदेश में 1.98 लाख एकड़ भूमि में हरित आवरण में वृद्धि हुई है। प्रदेश में आगामी 20 जुलाई को 36.46 करोड़ से अधिक पौधे लगेंगे। सभी मंत्री अपने प्रभार वाले जनपद में उपस्थित रहकर स्थानीय जनप्रतिनिधियों व आमजन के साथ मिलकर पौधरोपण करें। इस कार्यक्रम में नोडल अधिकारी अपनी सक्रिय भूमिका का निर्वहन करें। पर्यावरण, वन व जलवायु परिवर्तन विभाग द्वारा 54.20 करोड़ पौधे तैयार किए गए हैं। इन पौधों के रोपण के साथ-साथ इनकी सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए जाएं। निर्देश दिए कि पौधरोपण स्थलों की जियो टैगिंग की जाए। यूपी में 19918 सारस कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने सारस की ग्रीष्मकालीन गणना-2024 की घोषणा की। उन्होंने बताया कि इस बार गणना में 19918 सारस पाए गए हैं। 2023 में यह संख्या 19522, 2022 में 19188 थी। उन्होंने पेड़ लगाओ-पेड़ बचाओ जनअभियान-2024 के लोगो का अनावरण भी किया। साथ ही उन्होंने वृक्षारोपण फ्लिप बुक का भी विमोचन किया। हरित आवरण 15 फीसदी करने का लक्ष्य मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार का लक्ष्य प्रदेश के कुल हरित क्षेत्र को 2021-22 के 9.23 प्रतिशत से बढ़ाकर 2026-27 तक 15 प्रतिशत तक ले जाने का है। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार ‘कार्बन फाइनेंस’ के माध्यम से कृषकों की आय में वृद्धि करने की दिशा में कार्य कर रही है। इसके लिए राज्य सरकार की ओर से किसानों को इंसेटिव भी प्रदान किया जाएगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री आवास योजना के लाभार्थियों को सहजन का पौधा उपलब्ध कराएं और आंगनबाड़ी केंद्रों में सहजन का पौधा लगाया जाए। यह कुपोषण से बचाव में काफी कारगर साबित होता है।  

slot server thailand super gacor

spaceman slot gacor

slot gacor 777

slot gacor

Nexus Slot Engine

bonus new member

olympus

situs slot bet 200

slot gacor

slot qris

link alternatif ceriabet

slot kamboja

slot 10 ribu

https://mediatamanews.com/

slot88 resmi

slot777

https://sandcastlefunco.com/

slot bet 100

situs judi bola

slot depo 10k

slot88

slot 777

spaceman slot pragmatic

slot bonus

slot gacor deposit pulsa

rtp slot pragmatic tertinggi hari ini

slot mahjong gacor

slot deposit 5000 tanpa potongan

mahjong

spaceman slot

https://www.deschutesjunctionpizzagrill.com/

spbo terlengkap

cmd368

368bet

roulette

ibcbet

clickbet88

clickbet88

clickbet88

bonus new member 100

slot777

https://bit.ly/m/clickbet88

https://vir.jp/clickbet88_login

https://heylink.me/daftar_clickbet88

https://lynk.id/clickbet88_slot

clickbet88

clickbet88

https://www.burgermoods.com/online-ordering/

https://www.wastenotrecycledart.com/cubes/

https://dryogipatelpi.com/contact-us/

spaceman slot gacor

ceriabet link alternatif

ceriabet rtp

ceriabet

ceriabet link alternatif

ceriabet link alternatif

ceriabet login

ceriabet login

cmd368

sicbo online live