LATEST NEWS

ग्वालियर में कलश यात्रा के दौरान भगदड़, महिला की मौत और कई घायल

ग्वालियर  ग्वालियर में नवग्रह पीठ मंदिर पर चल रहे प्राण प्रतिष्ठा कार्यक्रम के दौरान कलश यात्रा में बड़ा हादसा हो गया. यात्रा में शामिल दो महिलाएं बुरी तरह घायल हो गईं जिनमें से एक की हालत गंभीर बताई जा रही है. घायलों में रति साहू, विमला और कला बाथम शामिल हैं. सभी को तुरंत अस्पताल पहुंचाया गया जहां उनका इलाज चल रहा है. जानकारी के अनुसार पूर्व गृहमंत्री डॉक्टर नरोत्तम मिश्रा नवग्रह मंदिर पर प्राण प्रतिष्ठा का आयोजन करा रहे थे. इसी कार्यक्रम के तहत कलश यात्रा निकाली गई थी जिसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालु शामिल थे. यात्रा के दौरान किसी कारणवश हादसा हो गया जिससे महिलाएं घायल हो गईं. मौके पर अफरा-तफरी मच गई और लोग चिल्लाने-चिल्लाने लगे. आयोजन समिति और प्रशासन ने तुरंत घायलों को एम्बुलेंस से अस्पताल पहुंचाया और उनका इलाज शुरू कराया. पुलिस और प्रशासन ने घटना स्थल पर पहुंचकर स्थिति संभाली. नवग्रह पीठ पर प्राण प्रतिष्ठा का कार्यक्रम 20 फरवरी तक चलेगा जिसमें विभिन्न अनुष्ठान और पूजा-अर्चना होंगे. घटना के बाद श्रद्धालुओं में चिंता है लेकिन आयोजकों ने कहा कि सुरक्षा के सभी इंतजाम हैं और आगे ऐसी घटना नहीं होने दी जाएगी. पुलिस ने हादसे के कारणों की जांच शुरू कर दी है.

मुख्यमंत्री कन्या विवाह योजना: 6,412 जोड़ें आज शादी के लिए बंधेंगे, मुख्यमंत्री देंगे आशीर्वाद

रायपुर  छत्तीसगढ़ में 10 फरवरी को सामाजिक समरसता और जनकल्याण का बड़ा दृश्य देखने को मिलेगा. मुख्यमंत्री कन्या विवाह योजना के तहत प्रदेश के विभिन्न जिलों में 6,412 जोड़े वैवाहिक बंधन में बंधेंगे. राजधानी रायपुर के साइंस कॉलेज मैदान में आयोजित राज्य स्तरीय कार्यक्रम में मुख्यमंत्री विष्णु देव साय स्वयं नवविवाहित जोड़ों को आशीर्वाद देंगे. यह आयोजन केवल विवाह समारोह नहीं, बल्कि राज्य सरकार की सामाजिक सुरक्षा और आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों के प्रति प्रतिबद्धता का प्रतीक है. राजधानी रायपुर के साइंस कॉलेज मैदान में सुबह 11 बजे से भव्य सामूहिक विवाह कार्यक्रम आयोजित होगा, जहां 1,316 जोड़े विभिन्न धार्मिक रीति-रिवाजों के अनुसार विवाह करेंगे. कार्यक्रम में विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह अध्यक्षता करेंगे, जबकि उप मुख्यमंत्री अरुण साव, विजय शर्मा, केंद्रीय राज्य मंत्री तोखन साहू और महिला एवं बाल विकास मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े समेत कई जनप्रतिनिधि मौजूद रहेंगे. बलौदा बाजार, धमतरी, दुर्ग, महासमुंद और राजनांदगांव जिलों के जोड़े ऑनलाइन माध्यम से कार्यक्रम से जुड़ेंगे, जबकि अन्य जिलों में जिला मुख्यालयों पर सामूहिक विवाह आयोजित किए जाएंगे. नवविवाहित जोड़ों को दिया जाएगा आर्थिक सहयोग योजना के तहत प्रत्येक जोड़े को 35 हजार रुपये की राशि सीधे बैंक खाते में दी जाएगी. इसके अलावा 15 हजार रुपये की उपहार सामग्री और विवाह आयोजन की अन्य व्यवस्थाएं भी सरकार द्वारा की जाएंगी. इससे आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों को बड़ी राहत मिलती है और सामाजिक गरिमा के साथ बेटियों का विवाह संभव हो पाता है. हर धर्म, हर समाज की होगी भागीदारी इस सामूहिक विवाह कार्यक्रम में सामाजिक विविधता भी दिखाई देगी. कुल विवाहों में से 6,281 हिंदू रीति रिवाज से, 3 इस्लामिक रीति रिवाज से, 113 ईसाई रीति रिवाज से, 5 बौद्ध रीति रिवाज से कराए जाएंगे. इसके अलावा, 10 बैगा समुदाय के जोड़े भी इस कार्यक्रम में शादी के बंधन में बंधेंगे. यानी यह आयोजन सामाजिक समरसता और भाईचारे का संदेश भी देगा. इन जिलों के जोड़े कार्यक्रम से ऑनलाइन जुड़ेंगे इस कार्यक्रम से बलौदा बाजार, धमतरी, दुर्ग, महासमुंद और राजनांदगांव जिलों के जोड़े ऑनलाइन माध्यम से राज्य स्तरीय कार्यक्रम से जुड़ेंगे। शेष जिलों में जिला मुख्यालयों पर सामूहिक विवाह कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे, जिनमें संबंधित प्रभारी मंत्री एवं स्थानीय जनप्रतिनिधि शामिल होंगे। मुख्यमंत्री कन्या विवाह योजना के माध्यम से राज्य शासन आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों की बेटियों को सम्मानपूर्वक विवाह का अवसर प्रदान कर रहा है। यह वृहद आयोजन सामाजिक समानता, समरसता एवं जनकल्याणकारी शासन के प्रति राज्य सरकार की दृढ़ प्रतिबद्धता को सशक्त रूप से दर्शाता है। कुपोषण मुक्त छत्तीसगढ़ अभियान का भी होगा शुभारंभ इस कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री “कुपोषण मुक्त छत्तीसगढ़ अभियान” का भी शुभारंभ करेंगे. पहले चरण में 6 माह से 52 माह आयु वर्ग के 40 हजार कुपोषित बच्चों को चिन्हित कर उन्हें पोषण सहायता दी जाएगी. इस अभियान की शुरुआत बस्तर संभाग के बीजापुर, दंतेवाड़ा, नारायणपुर और सुकमा जिलों से होगी. मुख्यमंत्री कन्या विवाह योजना केवल आर्थिक सहायता तक सीमित नहीं है, बल्कि यह सामाजिक समानता, सम्मान और सुरक्षित भविष्य का संदेश देती है. एक ही मंच पर हजारों जोड़ों का विवाह राज्य सरकार की जनकल्याणकारी सोच को दर्शाता है, वहीं कुपोषण मुक्त अभियान भविष्य की पीढ़ी को स्वस्थ बनाने की दिशा में अहम कदम है. छत्तीसगढ़ में 10 फरवरी का दिन सामाजिक उत्सव और जनहित योजनाओं के संगम के रूप में याद किया जाएगा.

MP में बर्फ पिघलने के बाद ठंडी हवाएं, अगले 2 दिन तेज ठंड नहीं, ग्वालियर-चंबल में ज्यादा असर

भोपाल  मध्य प्रदेश में कड़ाके की ठंड से फिलहाल थोड़ी राहत मिलने वाली है। मौसम विभाग के मुताबिक अगले दो दिन प्रदेश में तापमान बढ़ेगा और दिन में सर्दी का असर कम रहेगा। इस दौरान अधिकतम और न्यूनतम तापमान में करीब 3 से 4 डिग्री सेल्सियस तक की बढ़ोतरी दर्ज की जा सकती है। हालांकि यह राहत ज्यादा दिन टिकने वाली नहीं है।मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि जैसे ही पहाड़ी इलाकों में सक्रिय सिस्टम आगे बढ़ेगा और बर्फ पिघलने की प्रक्रिया तेज होगी, वैसे ही उत्तर भारत से आने वाली ठंडी हवाएं एक बार फिर प्रदेश में ठंड बढ़ा देंगी। फरवरी महीने में मौसम का मिजाज बार-बार बदलता रहेगा। फिलहाल प्रदेश में बारिश की कोई संभावना नहीं है।  पहाड़ी इलाकों की बर्फ से बढ़ी एमपी में ठंड भोपाल के मौसम वैज्ञानिक डॉ अरुन शर्मा के मुताबिक, पहाड़ों के ऊपर सक्रिय साइक्लोनिक सर्कुलेशन आगे बढ़ रहा है. जैसे ही यह सिस्टम कमजोर होगा और बर्फ पिघलेगी, उसके बाद उत्तर से ठंडी हवाएं फिर से प्रदेश में असर दिखाएंगी. इसी कारण फरवरी महीने में मौसम में बार-बार उतार-चढ़ाव देखने को मिलेगा. अब धीरे-धीरे बढ़ेगा तापमान मध्यप्रदेश में भोपाल, इंदौर, उज्जैन समेत प्रदेश के अधिकतर हिस्सों में सोमवार को दिनभर तेज धूप रही. इससे अधिकतम तापमान में बढ़ोतरी दर्ज की जा रही है. हालांकि, रात और तड़के सुबह ठंड का असर अभी बना रहेगा, लेकिन पारा धीरे-धीरे ऊपर चढ़ेगा. 13 से 15 फरवरी के बीच फिर बढ़ेगी ठंड एमपी के मौसम को लेकर मौसम विभाग का कहना है कि सिस्टम गुजरने के बाद 13, 14 और 15 फरवरी को तापमान में गिरावट आएगी. इस दौरान उत्तर से चलने वाली ठंडी हवाओं के कारण एक बार फिर ठिठुरन बढ़ सकती है. प्रदेश में कटनी का इलाका सबसे ठंडा, तापमान 5.9 दर्ज रविवार-सोमवार की रात प्रदेश के 13 शहरों में न्यूनतम तापमान 10 डिग्री सेल्सियस से नीचे दर्ज किया गया. जहां प्रदेश में सबसे ठंडा स्थान कटनी का करौंदी रहा, यहां तापमान 5.9 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया. इसके अलावा खजुराहो में तापमान 6.4 दर्ज हुआ तो शहडोल के कल्याणपुर में 6.6 डिग्री, पचमढ़ी में 7.4, अमरकंटक में 7.8 तक पारा दर्ज हुआ है.  बदलेगा मौसम मौसम वैज्ञानिक पांडे ने बताया, सिस्टम गुजरने और बर्फ पिघलने के बाद मौसम में फिर से बदलाव देखने को मिलेगा। 13, 14 और 15 फरवरी को तापमान में गिरावट होगी और ठंड का असर बढ़ जाएगी। उत्तर से ठंडी हवाओं का असर भी देखने को मिलेगा। 13 शहरों में पारा 10 डिग्री से नीचे, कटनी का करौंदी सबसे ठंडा रविवार-सोमवार की रात में प्रदेश के 13 शहरों में रात का तापमान 10 डिग्री से कम रहा। प्रदेश का सबसे ठंडा कटनी का करौंदी रहा। यहां न्यूनतम तापमान 5.9 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। शहडोल के कल्याणपुर-खजुराहो में 6.4 डिग्री, पचमढ़ी में 7.4 डिग्री, अमरकंटक में 7.8 डिग्री, दतिया में 8.1 डिग्री, रीवा में 8.3 डिग्री, राजगढ़ में 8.6 डिग्री, उमरिया में 8.8 डिग्री, शिवपुरी में 9 डिग्री, मंडला में 9.4 डिग्री, मलाजखंड में 9.5 डिग्री और नौगांव में पारा 9.8 डिग्री सेल्सियस रहा। पांच बड़े शहरों की बात करें तो भोपाल में सबसे कम 10.2 डिग्री, इंदौर में 11.2 डिग्री, ग्वालियर में 10.6 डिग्री, उज्जैन में 12.4 डिग्री और जबलपुर में 11.4 डिग्री दर्ज किया गया। बड़े शहरों के मौसम का हाल  मध्यप्रदेश के पांच प्रमुख शहरों में भोपाल का न्यूनतम तापमान 10.2 डिग्री, इंदौर में 11.2, ग्वालियर में 10.6, उज्जैन में 12.4 और जबलपुर में 11.4 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया है. अगले दो दिन का मौसम अनुमान एमपी में 11 फरवरी को दिन और रात के तापमान में हल्की बढ़ोतरी होगी. दिन में धूप तेज रहेगी. एमपी में 12 फरवरी को तापमान 3 से 4 डिग्री तक बढ़ सकता है. ठंड का असर मुख्य रूप से रात और सुबह के समय ही रहेगा.

बड़ी डील: US ने बांग्लादेश से किया समझौता, ट्रंप ने घटाए टैरिफ और यूनुस को किया सलाम

ढाका  भारत के बाद अमेरिका ने बांग्लादेश से भी डील कर ली है। खबर है कि अमेरिका सरकार ने बांग्लादेश पर लगाए टैरिफ को कम किया है। साथ ही कुछ कपड़ा उत्पादों पर शुल्क शून्य करने का भी फैसला किया है। खास बात है कि यह डील ऐसे समय पर हुई है, जब खबरें थीं कि अंतरिम सरकार के मुख्य सलाहकार मोहम्मद यूनुस डील जल्द ही अमेरिका के साथ सीक्रेट डील करने वाले हैं। अमेरिका ने बांग्लादेश पर लगाए 20 फीसदी टैरिफ को घटाकर 19 प्रतिशत कर दिया है। साथ ही कुछ ऐसे कपड़ों पर जवाबी टैरिफ शून्य कर दिया है, जिन्हें बनाने का सामान अमेरिका से आयात किया जाता है। सोमवार को दोनों देशों के बीच एक द्विपक्षीय समझौता हुआ। दोनों देशों की तरफ से औपचारिक अधिसूचना जारी किए जाने के बाद यह समझौता प्रभाव में आ जाएगा। खबर है कि बांग्लादेश की तरफ से कॉमर्स एडवाइजर शेख बशीरुद्दीन और राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार खलील उर रहमान की तरफ से दस्तखत किए गए। जबकि, अमेरिकी पक्ष की तरफ से राजदूत जेमीसन ग्रीर मौजूद रहे। ग्रीर ने इस समझौते के लिए यूनुस और उनकी वार्ताकार टीम की तारीफ भी की है। उन्होंने कहा है कि यह समझौता अमेरिकी व्यापार नीति में बांग्लादेश की स्थिति को मजबूत करेगा। गारमेंट सेक्टर को बड़ी राहत दरअसल, गारमेंट सेक्टर बांग्लादेशी अर्थव्यवस्था का अहम हिस्सा है। बांग्लादेश को निर्यात से करीब 80 प्रतिशत आय इसी से होती है। इसमें 40 लाख से ज्यादा लोग काम करते हैं और इनमें मुख्य रूप से ग्रामीण क्षेत्रों में रहने वाले आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग शामिल हैं। जानकारों का कहना है कि कम टैरिफ रेट बांग्लादेशी निर्माताओं को अमेरिका बाजार में टिके रहने का मौका देंगे। पहले कितना था टैरिफ बीते साल अप्रैल में अमेरिका ने जवाबी शुल्क का ऐलान किया था। उस दौरान बांग्लादेश पर 37 फीसदी टैरिफ लगाया गया था। बाद में अगस्त में इसे घटाकर 20 प्रतिशत किया गया था। अब ताजा समझौते के बाद यह घटकर 19 फीसदी पर आ गया है।

महाशिवरात्रि पर छोटा महादेव भोपाली की गुफा में नहीं मिलेगा श्रद्धालुओं को प्रवेश

बैतूल जिले के घोड़ाडोंगरी विकासखंड में स्थित प्रसिद्ध धार्मिक स्थल छोटा महादेव भोपाली में इस वर्ष भी महाशिवरात्रि पर्व के दौरान श्रद्धालुओं को गुफा दर्शन की अनुमति नहीं दी जाएगी। प्रशासन ने सुरक्षा कारणों का हवाला देते हुए गुफा तक पहुंच पर प्रतिबंध जारी रखने का निर्णय लिया है। शिवलिंग के दर्शन एलईडी स्क्रीन के माध्यम से श्रद्धालुओं की आस्था को ध्यान में रखते हुए गुफा में विराजित शिवलिंग के दर्शन एलईडी स्क्रीन के माध्यम से कराए जाएंगे। शाहपुर एसडीएम प्रपंज आर के अनुसार हाल ही में चार विभागों की संयुक्त टीम द्वारा स्थल का निरीक्षण किया गया। स्थिति पूर्व वर्षों की तुलना में और जोखिमपूर्ण हो गई है इंजीनियरों के साथ की गई तकनीकी जांच में यह स्पष्ट हुआ कि क्षेत्र की स्थिति पूर्व वर्षों की तुलना में और अधिक जोखिमपूर्ण हो गई है, जिससे किसी भी प्रकार की अनहोनी की आशंका बनी हुई है। प्रशासन के अनुसार वर्ष 2014 से छोटा महादेव क्षेत्र की पहाड़ियों में दरारें दिखाई देने लगी थीं। बारिश के कारण ये दरारें और चौड़ी हो गई हैं समय-समय पर हुई भारी बारिश के कारण ये दरारें और चौड़ी हो गई हैं। शिवलिंग गुफा के ऊपर स्थित काला बाबा मंदिर और झरना क्षेत्र के बीच दरारों में लगातार वृद्धि हो रही है, जिसके चलते इस पूरे हिस्से को असुरक्षित श्रेणी में रखा गया है।  

खरगोन के प्राइवेट स्कूल में बड़ी चूक: 12वीं के 13 छात्र नहीं दे पाए अंग्रेजी का पेपर

खरगोन  खरगोन जिले के गायत्री विद्यापीठ हायर सेकंडरी स्कूल की घोर लापरवाही के कारण 12वीं कक्षा के 13 छात्र अंग्रेजी की बोर्ड परीक्षा नहीं दे सके. स्कूल प्रबंधन ने छात्रों से परीक्षा फॉर्म तो भरवा लिए, लेकिन उनकी फीस माध्यमिक शिक्षा मंडल को समय पर नहीं भेजी. इस कारण इन छात्रों के प्रवेश पत्र जनरेट नहीं हुए. जिला मुख्यालय से करीब 40 किलोमीटर दूर भीकनगांव में गायत्री विद्यापीठ हायर सेकंडरी स्कूल प्रबंधन ने 10वीं और 12वीं के नियमित 23 बच्चों के फॉर्म तो भरवाए, लेकिन उनकी परीक्षा फीस माध्यमिक शिक्षा मंडल (MP Board) भोपाल को नहीं भेजी गई.  लापरवाही की हद तो तब हो गई जब स्कूल प्रबंधन परीक्षा के 2 दिन पहले तक भी नहीं जागा. मंगलवार  यानी 10 फरवरी को आयोजित 12वीं की अंग्रेजी की परीक्षा के लिए जब बच्चों को सोमवार के दिन तक प्रवेश पत्र नहीं मिले तो उन्होंने स्कूल से संपर्क किया तब यह पता चला कि बच्चों की फीस ही जमा नहीं की गई है. धीरे-धीरे सभी पालकों को पता चला तो गुस्साए पालक स्कूल पहुंच गए, यहां जमकर हंगामा हुआ.  इसके बाद सैकड़ों लोगों ने स्कूल प्रबंधन के खिलाफ खंडवा वडोदरा स्टेट हाईवे पर गांधी प्रतिमा के सामने चक्काजाम कर दिया. चक्का जाम आधी रात तक जारी रहा. थाना इंचार्ज और बीईओ दिनेश पटेल ने गुस्साए लोगों को समझने का प्रयास किया लेकिन कोई नहीं माना. स्कूल प्रबंधन ने ताबड़तोड़ माध्यमिक शिक्षा मंडल भोपाल के अकाउंट में 3 लाख 73 हजार जमा किए, लेकिन तब तक बहुत देर हो चुकी थी, क्योंकि मंगलवार को ही 12वीं के 13 बच्चों को अंग्रेजी के पेपर में शामिल होना था. कलेक्टर और शिक्षा विभाग ने भी प्रयास किए, लेकिन पोर्टल बंद होने और समय की कमी के चलते मंगलवार सुबह होने वाले पेपर के लिए प्रवेश पत्र नहीं मिल सके. मामले को लेकर विकासखंड शिक्षा अधिकारी दिनेश पटेल का कहना है, छात्रों के फॉर्म तो भरवा गए, लेकिन उनकी फीस जमा नहीं की गई. इससे बच्चे परीक्षा से वंचित हुए हैं. इस मामले को लेकर जिला शिक्षा अधिकारी और कलेक्टर को अवगत कराया गया है. स्कूल प्रबंधन के खिलाफ वे ही कार्रवाई करेंगे. 

गोविंदपुरा थाने पहुंचे पुलिस आयुक्त संजय कुमार

गोविंदपुरा थाने पहुंचे पुलिस आयुक्त संजय कुमार   थाने में दर्ज आपराधिक मामलों का रिकॉर्ड, लंबित प्रकरणों की जानकारी और बीटचार्ज का लिया जायजा  भोपाल  राजधानी भोपाल के नवागत पुलिस आयुक्त संजय कुमार लगातार थानों का जायजा ले रहे हैं। इसी कड़ी में पुलिस आयुक्त सोमवार रात गोविंदपुरा थाने पहुंचे। उन्होंने थाने में दर्ज अपराधों की जानकारी और लंबित मामलों की समीक्षा की तथा आवश्यक दिशा निर्देश दिए। पुलिस आयुक्त ने बीटचार्ट और ड्यूटी पर तैनात पुलिस अधिकारियों और कर्मचारियों के बारे में विस्तार से जानकारी प्राप्त की। इसके साथ ही थाने की स्वच्छता और आगंतुकों के लिए की जाने वाली व्यवस्थाओं का भी जायजा लिया। दरअसल नए पुलिस आयुक्त संजय कुमार की कार्य प्रणाली अन्य अधिकारियों से कुछ हटकर है। वह कार्यालय से दिशा निर्देश देने से ज्यादा जरूरी फील्ड में उतरकर काम करने में विश्वास रखते हैं। इसी के चलते पुलिस आयुक्त लगातार अलग-अलग थानों का औचक निरीक्षण कर रहे हैं। पुलिस आयुक्त अपराधियों से सख्ती से निपटने और आमजनों से सद्व्यवहार करने की नसीहत पहले ही दे चुके हैं। पुलिस सूत्रों का कहना है कि थानों के निरीक्षण के बाद काम में लापरवाही बरतने वाले पुलिस अधिकारियों और कर्मचारियों के खिलाफ कार्रवाई भी हो सकती है।

10 फरवरी 2026: शेयर बाजार में तेजी, सेंसेक्स 84,300 पार, रुपया 90.77 प्रति डॉलर पर

मुंबई  एशियाई बाजारों में मजबूती और विदेशी निवेशकों के लगातार निवेश से मंगलवार को घरेलू शेयर बाजार में तेजी का रुख बना रहा. सेंसेक्स और निफ्टी दोनों में लगातार तीसरे कारोबारी सत्र में बढ़त देखने को मिली. शुरुआती कारोबार में निवेशकों का रुझान बड़े शेयरों की ओर रहा, जिससे प्रमुख सूचकांक नई ऊंचाइयों के करीब पहुंच गए. बीएसई सेंसेक्स मंगलवार को शुरुआती कारोबार में 247.01 अंक यानी 0.29 प्रतिशत की बढ़त के साथ 84,312.76 अंक पर पहुंच गया. वहीं, नेशनल स्टॉक एक्सचेंज का निफ्टी 80.25 अंक या 0.31 प्रतिशत चढ़कर 25,947.55 अंक पर कारोबार करता दिखा. इन शेयरों में रही मजबूती सेंसेक्स की 30 कंपनियों में से अधिकांश के शेयर हरे निशान में रहे. इटर्नल, टाइटन, एक्सिस बैंक, एनटीपीसी, टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज, सन फार्मास्युटिकल्स, पावरग्रिड, मारुति सुजुकी, महिंद्रा एंड महिंद्रा, लार्सन एंड टुब्रो, भारत इलेक्ट्रॉनिक्स लिमिटेड, रिलायंस इंडस्ट्रीज, भारती एयरटेल और टाटा स्टील के शेयरों में अच्छी खरीदारी देखने को मिली. कुछ दिग्गज शेयरों में दबाव हालांकि, सभी शेयरों में तेजी नहीं रही. बजाज फाइनेंस, एचसीएल टेक्नोलॉजीज, एशियन पेंट्स, इंडिगो, स्टेट बैंक ऑफ इंडिया और एचडीएफसी बैंक के शेयरों में गिरावट दर्ज की गई, जिससे बाजार की तेजी कुछ हद तक सीमित रही. एशियाई और अमेरिकी बाजारों का असर एशियाई बाजारों में जापान का निक्की 225, हांगकांग का हैंग सेंग और दक्षिण कोरिया का कॉस्पी मजबूती के साथ कारोबार करते दिखे. वहीं चीन का एसएसई कंपोजिट लगभग स्थिर रहा. अमेरिकी शेयर बाजार भी सोमवार को बढ़त के साथ बंद हुए, जिसका सकारात्मक असर घरेलू बाजारों पर पड़ा. कच्चे तेल और रुपये की चाल अंतरराष्ट्रीय बाजार में ब्रेंट क्रूड ऑयल 0.28 प्रतिशत की गिरावट के साथ 68.85 डॉलर प्रति बैरल पर कारोबार कर रहा था. वहीं मुद्रा बाजार में रुपया दबाव में रहा. मंगलवार को शुरुआती कारोबार में रुपया अमेरिकी डॉलर के मुकाबले 11 पैसे टूटकर 90.77 के स्तर पर पहुंच गया. विदेशी निवेशकों की बढ़ती भागीदारी शेयर बाजार के आंकड़ों के अनुसार, विदेशी संस्थागत निवेशक (एफआईआई) सोमवार को शुद्ध खरीदार रहे. उन्होंने 2,254.64 करोड़ रुपये के शेयर खरीदे. इस महीने अब तक विदेशी निवेशकों का निवेश करीब दो अरब अमेरिकी डॉलर तक पहुंच चुका है, जिससे बाजार को मजबूती मिल रही है.

महाशिवरात्रि 2026 राशिफल: महालक्ष्मी राजयोग के साथ इन राशियों को होगा अपार धनलाभ

इस बार महाशिवरात्रि का व्रत 15 फरवरी को रखा जाएगा और ठीक अगले दिन यानी 16 फरवरी को महाशिवरात्रि के व्रत का पारण किया जाएगा. ज्योतिषियों के अनुसार, इस बार महाशिवरात्रि बहुत ही खास मानी जा रही है क्योंकि अगले दिन यानी 16 फरवरी को चंद्रमा मकर राशि में प्रवेश करेंगे. जहां पहले से ही मंगल ग्रह मौजूद हैं. लगभग 18 महीनों बाद मंगल का मकर में आना इस युति को खास बना रहा है. इन दोनों ग्रहों के मिलन से महालक्ष्मी राजयोग बनने की स्थिति बन रही है, जिसे धन और प्रगति से जोड़कर देखा जाता है. माना जा रहा है कि इस योग से कुछ राशियों के लिए उन्नति के नए रास्ते खुल सकते हैं. तो आइए जानते हैं किन राशियों पर इसका सकारात्मक प्रभाव देखने को मिल सकता है.  मेष राशि मेष राशि के लिए यह राजयोग कार्यक्षेत्र में उन्नति का संकेत दे रहा है. बेरोजगार लोगों को रोजगार मिलने की संभावना है. बिजनेस करने वालों को नए प्रोजेक्ट या लाभदायक सौदे मिल सकते हैं. प्रभावशाली लोगों से संपर्क बढ़ सकता है, जो भविष्य में फायदेमंद रहेगा.  पैतृक संपत्ति से जुड़ा कोई लाभ मिल सकता है. परिवार में, खासकर पिता के साथ संबंध मधुर रहेंगे.  वृष राशि वृष राशि वालों के लिए यह समय भाग्य का साथ दिला सकता है. करियर से जुड़े मामलों में सकारात्मक बदलाव आ सकते हैं. नौकरीपेशा लोगों को वरिष्ठों का सहयोग मिलेगा, जिससे प्रमोशन या वेतन वृद्धि की संभावना बन सकती है. पढ़ाई कर रहे छात्रों के लिए भी समय अनुकूल है, खासकर जो विदेश में शिक्षा का सपना देख रहे हैं. धार्मिक गतिविधियों या यात्राओं का योग भी बन सकता है. लंबे समय से अटकी इच्छाएं पूरी हो सकती हैं.  मकर राशि मकर राशि के लिए यह योग काफी महत्वपूर्ण माना जा रहा है, क्योंकि यह आपकी ही राशि में बन रहा है. इस दौरान आत्मविश्वास बढ़ सकता है और व्यक्तित्व में अलग चमक देखने को मिलेगी. जो लोग अपने करियर में आगे बढ़ना चाहते हैं, उन्हें नए अवसर मिल सकते हैं. साझेदारी में किया गया काम लाभ दे सकता है. वैवाहिक जीवन में तालमेल बेहतर रहेगा. अविवाहित लोगों के लिए रिश्ते की बातचीत आगे बढ़ सकती है. आप अपनी समझदारी और मेहनत से महत्वपूर्ण फैसले ले पाएंगे. 

यूनिवर्सल स्कूल के विद्यार्थियों ने विभिन्न खेलों में किया उत्कृष्ट प्रदर्शन।

Students of Universal School performed excellently in various sports. हरिप्रसाद गोहेआमला। जीवन में खेल शारीरिक स्वास्थ्य, मानसिक विकास और सामाजिक कौशल में वृद्धि करते है उक्त आशय के विचार बीआरसी मनीष घोटे ने यूनिवर्सल स्कूल आमला द्वारा आयोजित पुरस्कार वितरण कार्यक्रम के दौरान बच्चों को संबोधित कर कहीं। वहीं नगर पालिका परिषद आमला अध्यक्ष नितिन गाडरे ने खेल के जीवन मूल्य और आत्मविश्वास पर जोर दिया। उक्त आयोजन मुख्य अतिथि मनीष घोटे, नगर पालिका आमला अध्यक्ष नितिन गाडरे, और हाईकोर्ट एडवोकेट शाहिद उल्ला बेग की अध्यक्षता में हुआ। गौरतलब हो कि यूनिवर्सल विद्यालय के विद्यार्थियों ने विभिन्न खेलों में उत्कृष्ट प्रदर्शन किया, जिसमें राज्यस्तरीय खेल प्रतियोगिता में मो. समर रजा ने कराटे में प्रथम स्थान प्राप्त किया।वहीं विभिन्न कक्षाओं के लिए बेस्ट बैट्समैन, बेस्ट बॉलर, बेस्ट विकेट कीपर, बेस्ट फील्डर, और मैन ऑफ द सीरीज के पुरस्कार दिए गए। कक्षा 6वीं से 8वीं के बेस्ट बैट्समैन राजवीर चंडालिया थे।अन्य पुरस्कारों में बेस्ट स्मैशर, बेस्ट रैडर, बेस्ट स्टूडेंट ऑफ द ईयर आदि पुरस्कार भी वितरित किए गए। जिसमें स्टूडेंट ऑफ दी ईयर अवॉर्ड शाला के विद्यार्थी तनिष्क सोनी को दिया गया। कार्यक्रम का सफल एवं कुशल संचालन शिक्षिका सोनिका जोशी ने किया और प्रभारी प्राचार्य रश्मि सोनी ने सभी अतिथियों का स्वागत कर आभार व्यक्त किया।

प्रकृति संरक्षण, रोजगार और निवेश का समन्वित मॉडल बने इको-टूरिज़्म, स्थानीय सहभागिता अनिवार्य: मुख्यमंत्री

निजी क्षेत्र की भागीदारी से इको-टूरिज्म स्थलों पर विश्वस्तरीय सुविधाएं विकसित हों: मुख्यमंत्री मुख्यमंत्री का निर्देश, प्रदेश में इको-टूरिज्म विकास हेतु समग्र कार्ययोजना तैयार की जाए प्रकृति संरक्षण, रोजगार और निवेश का समन्वित मॉडल बने इको-टूरिज़्म, स्थानीय सहभागिता अनिवार्य: मुख्यमंत्री मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की अध्यक्षता में उत्तर प्रदेश ईको-टूरिज़्म विकास बोर्ड की बैठक सप्ताहांत में दिल्ली-पलिया और लखनऊ पलिया बस सेवाएं शुरू हों: मुख्यमंत्री लखनऊ मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने उत्तर प्रदेश में इको-टूरिज्म को रोजगार सृजन, पर्यावरण संरक्षण और आर्थिक विकास का प्रमुख आधार बनाते हुए इसके लिए एक समग्र एवं समयबद्ध कार्ययोजना तैयार करने के निर्देश दिए हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश की समृद्ध जैवविविधता, वन क्षेत्रों और प्राकृतिक विरासत में इको-टूरिज्म की अपार संभावनाएं निहित हैं, जिन्हें योजनाबद्ध ढंग से धरातल पर उतारने की आवश्यकता है। इसके लिए निजी क्षेत्र की सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित की जाए, ताकि इको-टूरिज्म को एक सशक्त और टिकाऊ उद्योग के रूप में विकसित किया जा सके। सोमवार को हुई उत्तर प्रदेश इको टूरिज्म विकास बोर्ड की बैठक मेंमुख्यमंत्री ने निर्देश दिए कि चयनित इको-टूरिज्म स्थलों पर पर्यटकों के लिए अच्छे होटल और स्तरीय रेस्टोरेंट, गुणवत्तापूर्ण आवासीय सुविधाएं और आधुनिक बुनियादी ढांचा विकसित किया जाए, जिससे राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय पर्यटकों को आकर्षित किया जा सके। उन्होंने कहा कि गोरखपुर का कुसम्ही जंगल, अयोध्या का कुमारगंज क्षेत्र, गाजीपुर का कामाख्या वन पार्क तथा लखीमपुर खीरी की महेशपुर रेंज जैसे संभावनाशील क्षेत्रों को पीपीपी मॉडल के माध्यम से विकसित किया जाए और स्थानीय स्तर पर रोजगार के नए अवसर सृजित किए जाएं। मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तर प्रदेश की जैवविविधता, प्राकृतिक संपदा, वेटलैंड, झीलें, वन्यजीव और नदी तंत्र केवल पर्यटन का विषय नहीं, बल्कि प्रदेश के भविष्य का आधार हैं। उन्होंने कहा कि इको-टूरिज्म आने वाले वर्षों में रोजगार, अर्थव्यवस्था, संरक्षण और वैश्विक पहचान का बड़ा स्तंभ बनेगा, इसलिए प्रत्येक जिले में सुरक्षित, स्वच्छ और सस्टेनेबल इको-टूरिज़्म मॉडल विकसित किया जाए। मुख्यमंत्री ने निर्देश दिया कि इको-टूरिज्म को प्रकृति संरक्षण, स्थानीय रोजगार, निजी निवेश और ग्रामीण विकास का मजबूत मॉडल बनाया जाए तथा इसके संचालन में स्थानीय समुदाय की भागीदारी को प्राथमिकता दी जाए।  बैठक में अवगत कराया गया कि वित्तीय वर्ष 2022-23 से 2024-25 के बीच दुधवा, पीलीभीत, रानीपुर और कतरनियाघाट टाइगर रिज़र्व सहित हैदरपुर, बखिरा, सूर सरोवर, समसपुर और नवाबगंज जैसे प्रमुख वेटलैंड्स में कुल 44 इको-टूरिज़्म इन्फ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट शुरू किए गए हैं। बोर्ड अब परिसंपत्तियों के मॉनेटाइजेशन और दीर्घकालिक सस्टेनेबिलिटी पर काम कर रहा है, जिसके तहत इको लॉज, फ्लोटिंग रेस्टोरेंट और पर्यटक सुविधाओं के लिए पीपीपी मॉडल लागू किया जा रहा है।  मुख्यमंत्री ने कनेक्टिविटी सुधार पर जोर देते हुए कहा कि लखनऊ-पलिया और नई दिल्ली-पलिया के बीच सप्ताहांत एसी बस सेवा का संचालन किया जाना चाहिए। मुख्यमंत्री ने पीलीभीत-मैलानी-बहराइच के लिए क्षेत्रीय बस सेवा प्रारंभ करने के निर्देश दिए और कहा कि परिवहन निगम के सफल मॉडल को देखते हुए इन सेवाओं का विस्तार अन्य इको-टूरिज़्म स्थलों तक किया जाए। बैठक में यह भी बताया गया कि वर्ष 2025-26 में विभिन्न जिलों जैसे अयोध्या, आगरा, गोरखपुर, लखनऊ, चित्रकूट, महराजगंज, प्रयागराज, बांदा, बहराइच, सीतापुर, उन्नाव, बलिया, इटावा, मैनपुरी आदि में नए पार्क, इंटरप्रिटेशन सेंटर, वेटलैंड विकास, बर्ड वॉचिंग टॉवर, ट्रेल्स, कैंपिंग और पर्यटक सुविधाओं पर आधारित कुल 31 नई परियोजनाएं प्रस्तावित की गई हैं। बोर्ड द्वारा एक एआई चैटबॉट और मोबाइल एप भी विकसित किया जा रहा है। पर्यटन एवं संस्कृति मंत्री जयवीर सिंह ने पर्यटन विकास की विभागीय गतिविधियों से मुख्यमंत्री को अवगत कराया। बैठक में वित्त मंत्री सुरेश खन्ना, कृषि मंत्री सूर्य प्रताप शाही, जलशक्ति मंत्री स्वतंत्र देव सिंह, पर्यटन एवं संस्कृति मंत्री जयवीर सिंह और वन एवं पर्यावरण मंत्री अरुण सक्सेना की गरिमामयी सहभागिता रही।

Gold-Silver Rates Crash: चांदी ₹1.63 लाख सस्ती, सोना भी 5500 रुपये तक गिरा

इंदौर  सोना-चांदी की कीमतें लगातार क्रैश (Gold-Silver Price Crash) होने के बाद बीते कुछ दिनों में रफ्तार पकड़ती हुई नजर आ रही थीं, लेकिन सप्ताह के दूसरे कारोबारी दिन मंगलवार को ये फिर से बिखरी हुई नजर आ रही हैं. जी हां, मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज यानी MCX पर चांदी की कीमत ओपनिंग के साथ ही करीब 5500 रुपये प्रति किलोग्राम से ज्यादा सस्ती हो गई (Silver Price Fall), तो वहीं सोने की कीमत ने भी 2000 रुपये प्रति 10 ग्राम का गोता लगा दिया. अपने हाई लेवल से दोनों कीमती धातुएं अब तक काफी सस्ती हो चुकी हैं. चांदी का वायदा भाव को 1.63 लाख रुपये तक कम हुआ है.  चांदी में तेजी पर अचानक ब्रेक  सबसे पहले बात करते हैं चांदी की कीमतों में बीते कुछ समय में आए क्रैश, तेजी और फिर गिरावट के बारे में, तो बीते 29 जनवरी को Silver Price रॉकेट की रफ्तार से भागते हुए पहले बार ऐतिहासिक 4 लाख रुपये के स्तर के पार निकला था और 4,20,048 रुपये का लाइफ टाइम हाई लेवल छू लिया था. इस स्तर को छूने के बाद ये कीमती धातु सिल्वर अगले ही दिन से क्रैश होनी शुरू हो गई, लेकिन बीते कुछ दिनों में ये ग्रीन जोन में भी नजर आई थी.  बात कमोडिटी मार्केट में कारोबार की करें, तो ओपन होने के साथ ही Silver Price अपने पिछले कारोबारी बंद के मुकाबले बुरी तरह टूट गया. सोमवार को ये एमसीएक्स पर 2,62,620 रुपये प्रति किलो पर बंद हुई थी और मंगलवार को ये खुलने के साथ ही सस्ती होकर 2,56,864 रुपये तक फिसल गई. इस हिसाब से देखें, तो झटके में 5 मार्च की एक्सपायरी वाली 1 Kg Silver Price 5,756 रुपये कम हो गया. वहीं हाई से ये 1,63,184 रुपये कम हो चुका है.  Gold रेट भी हो गया इतना कम  चांदी के बाद अब बात करें, सोने की कीमत में आई गिरावट (Gold Rate Fall) के बारे में, तो ये येलो मेटल सोमवार को एमसीएक्स पर तेजी के साथ कारोबार करते हुए 1,58,066 रुपये प्रति 10 ग्राम पर क्लोज हुआ था और मंगलवार को खुलने के साथ ही गिरकर 1,56,001 रुपये पर आ गया. ऐसे में 2 अप्रैल की एक्सपायरी वाला 10 Gram 24 Karat Gold Rate 2,065 रुपये कम हो गया.  हाई से अब इतना सस्ता Gold सिल्वर प्राइस की तरह ही सोने ने भी बीते 29 जनवरी को ही अपना लाइफ टाइम हाई लेवल छुआ था और 1,93,096 रुपये प्रति 10 ग्राम के ऐतिहासिक स्तर पर पहुंच गया था. इस लेवल पर पहुंचने के बाद Gold Rate Crash होना शुरू हो गया, लेकिन बीते हफ्ते इसमें फिर उछाल देखने को मिला था, तो सोमवार तक जारी रहा. अगर हाई  से गिरावट की बात करें, तो सोना 37,095 रुपये तक सस्ता हो चुका है.  विदेशी बाजार में भी हुआ सस्ता मंगलवार को सोने की कीमतों में आई गिरावट के बावजूद अतंरराष्ट्रीय बाजार में ये 5,000 डॉलर प्रति औंस के स्तर से ऊपर बना हुआ है. रॉयटर्स की रिपोर्ट के मुाबिक, स्पॉट गोल्ड की कीमत 0.7% गिरकर 5,029.49 डॉलर प्रति औंस (करीब 28 ग्राम) हो गई. इससे पहले सोमवार को डॉलर के एक सप्ताह से अधिक के निचले स्तर पर कमजोर होने के कारण सोना 2% उछला था, जबकि 29 जनवरी को कॉमेक्स पर इसने 5,594.82 डॉलर प्रति औंस का रिकॉर्ड हाई टच किया था. गिरावट के पीछे की वजह देखें, तो निवेशक इस सप्ताह के अंत में जारी होने वाले महत्वपूर्ण अमेरिकी रोजगार और महंगाई के आंकड़ों से पहले सतर्क मोड में है.

मथुरा में दिल दहला देने वाली घटना: परिवार के 5 लोग दूध में जहर मिलाकर खाते हैं, सभी की मौत

मथुरा  उत्तर प्रदेश के मथुरा से बड़ी और दुखद खबर सामने आ रही है. महावन थाना क्षेत्र के खप्परपुर गांव में एक ही परिवार के पांच लोगों ने जहर खा लिया. इस दर्दनाक घटना में पति-पत्नी सहित तीन बच्चो की मौत हो गई है. घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है. फिलहाल ज़हर खाने के कारणों का पता नहीं चल सका है. पुलिस पूरे मामले की गंभीरता से जांच कर रही है. इस घटना के बाद आसपास के इलाकों में हड़कंप मच गया. सूचना मिलते ही मौके पर पुलिस पहुंची और शव को अपने कब्जे में कर पोस्टमार्टम के लिए ले गई है. मृतक परिवार के घर के बाहर भारी तादात में लोग मौजूद है.

CJI सूर्यकांत का गंभीर बयान, 54 हजार करोड़ रुपये के गबन पर इन बैंकों की स्थिति पर उठाया सवाल

नई दिल्ली सुप्रीम कोर्ट ने डिजिटल धोखाधड़ी के जरिये 54 हजार करोड़ रुपये के गबन को पूरी तरह से लूट और डकैती करार दिया। सोमवार को केंद्र सरकार को ऐसे मामलों से निपटने के लिए आरबीआई, बैंकों और दूरसंचार विभाग जैसे हितधारकों के साथ चर्चा करके मानक संचालन प्रक्रिया बनाने का निर्देश दिया। न्यायालय ने डिजिटल अरेस्ट मामलों से जुड़े ‘खतरे’ पर गंभीर चिंता जताई और कहा कि साइबर धोखाधड़ी को रोकने में बैंकों को सक्रिय भूमिका निभानी चाहिए। प्रधान न्यायाधीश (CJI) सूर्यकांत, जस्टिस जॉयमाल्या बागची और जस्टिस एनवी अंजारिया की पीठ ने कहा कि बैंकों की जिम्मेदारी है कि वे उन खातों में असामान्य और बड़े पैमाने का लेनदेन होने पर ग्राहकों को सतर्क करें, जिनका आम तौर पर छोटे लेनदेन के लिए उपयोग किया जाता है। पीठ ने कहा कि यदि 10,000 या 20,000 रुपये की राशि निकालने वाला कोई सेवानिवृत्त व्यक्ति अचानक बहुत बड़ी रकम निकालता है, तो बैंक को तुरंत अलर्ट जारी करना चाहिए। कई राज्यों के बजट से ज्यादा धोखाधड़ी की धनराशि पीठ ने कहा कि डिजिटल धोखाधड़ी के जरिये गबन की गई धनराशि कई छोटे राज्यों के बजट से अधिक है। अदालत ने कहा कि इस तरह के अपराध बैंक अधिकारियों की मिलीभगत या उनकी लापरवाही के कारण हो सकते हैं। शीर्ष अदालत ने आरबीआई और बैंकों की ओर से समय पर कार्रवाई किए जाने की आवश्यकता पर जोर दिया। CBI को किया शामिल अदालत ने सीबीआई को ‘डिजिटल अरेस्ट’ के मामलों की पहचान करने का निर्देश दिया और गुजरात तथा दिल्ली की सरकार से कहा कि वे इन मामलों में जांच के लिए सीबीआई को आवश्यक स्वीकृति प्रदान करें। शीर्ष अदालत ने कहा कि डिजिटल अरेस्ट के शिकार लोगों को मुआवजा देने के मामलों में एक व्यावहारिक और उदार दृष्टिकोण अपनाए जाने की आवश्यकता है। अदालत ने याचिका को चार सप्ताह बाद अगली सुनवाई के लिए सूचीबद्ध कर दिया। SOP तैयार सुनवाई की शुरुआत में, अटॉर्नी जनरल आर वेंकटरमणि ने पीठ को बताया कि आरबीआई ने ऐसे मामलों से निपटने के लिए बैंकों के लिए एक मानक संचालन प्रक्रिया (एसओपी) का मसौदा तैयार किया है, जिसमें साइबर धोखाधड़ी को रोकने के लिए खातों पर अस्थायी डेबिट होल्ड लगाए जाने जैसी कार्रवाई समेत कई प्रावधान हैं। अदालत ने कई नए निर्देश जारी करते हुए गृह मंत्रालय से कहा कि वह भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) की मानक संचालन प्रक्रिया (SOP) पर विचार करे और देशभर में लागू करने के लिए निर्देश जारी करे। AI के इस्तेमाल की सिफारिश न्यायमित्र के तौर पर पेश हुईं वरिष्ठ अधिवक्ता एनएस नप्पिनई ने कहा कि बैंकों को संदिग्ध लेनदेन के बारे में ग्राहकों के लिए अलर्ट जारी करने के निर्देश दिए जाने चाहिए और इसके लिए AI उपकरणों का उपयोग किया जा सकता है। क्या बोला सुप्रीम कोर्ट पीठ ने कहा, ‘यदि करोड़ों रुपये का लेनदेन करने वाली कोई कारोबारी संस्था है, तो उस पर संदेह नहीं हो सकता। लेकिन यदि आमतौर पर 15,000 से 20,000 रुपये निकालने वाले पेंशनभोगी के खाते से अचानक 50 लाख, 70 लाख या एक करोड़ रुपये निकाले जा रहे हैं, तो बैंक के एआई से चलने वाले उपकरणों ने इसे संदिग्ध मानकर उसे अलर्ट क्यों नहीं किया?’ अटॉर्नी जनरल ने कहा कि RBI इस मुद्दे पर विचार करेगा। बैंकों पर भड़की अदालत इस पर सुप्रीम कोर्ट की पीठ ने कहा, ‘समस्या यह है कि बैंक ज्यादातर व्यवसायिक मोड में काम कर रहे हैं, और यह स्वाभाविक भी है। लेकिन ऐसा करते हुए वे या तो अनजाने में या मिलीभगत से ऐसे मंच बनते जा रहे हैं, जिनके जरिये अपराध से अर्जित धन का तेज और निर्बाध लेनदेन हो रहा है।’ न्यायमूर्ति बागची ने कहा कि गृह मंत्रालय की रिपोर्ट में ही यह दर्शाया गया है कि अप्रैल 2021 से नवंबर 2025 के बीच साइबर धोखाधड़ी के जरिये 52,000 करोड़ रुपये से अधिक की हेराफेरी की गई है। प्रधान न्यायाधीश ने कहा, ‘ये बैंक अब एक बोझ बनते जा रहे हैं। बैंकों को यह समझना चाहिए कि वे धन के रखवाले हैं और उन्हें इसके प्रति अति-उत्साहित नहीं होना चाहिए। उस भरोसे को नहीं तोड़ा जाना चाहिए। समस्या यह है कि ये बैंक ऐसे धोखेबाज़ों को ऋण भी देते हैं और फिर एनसीएलटी, एनसीएलएटी जैसी संस्थाएं सामने आती हैं, जब धोखाधड़ी करने वाली कंपनियां दिवालिया कार्यवाहियों में उलझ जाती हैं।’ यह टिप्पणी उस समय की गई जब अटॉर्नी जनरल ने अदालत को बताया कि आरबीआई द्वारा लागू किए गए उपायों के दौरान ‘म्यूल’ बैंक खातों का पता चला है। डिजिटल अरेस्ट पर पहले से अलर्ट सुप्रीम कोर्ट पीठ ने 16 दिसंबर को केंद्र सरकार से कहा था कि वह डिजिटल अरेस्ट पीड़ितों के लिए मुआवजा सुनिश्चित करने के संबंध में न्यायमित्र के सुझावों पर विचार करे। साथ ही उसने साइबर अपराधियों द्वारा देश से बाहर ले जाई जा रही भारी धनराशि पर चिंता भी जताई थी। ‘डिजिटल अरेस्ट’ साइबर अपराध का एक बढ़ता हुआ स्वरूप है, जिसमें ठग कानून प्रवर्तन एजेंसियों, अदालतों या सरकारी विभागों के अधिकारियों के रूप में खुद को प्रस्तुत करके ऑडियो और वीडियो कॉल के माध्यम से पीड़ितों को डराते-धमकाते हैं। वे पीड़ितों को उलझाकर रखते हैं और उन पर पैसे देने का दबाव डालते हैं। एक दिसंबर को शीर्ष अदालत ने सीबीआई को डिजिटल अरेस्ट मामलों की एकीकृत, देशव्यापी जांच करने का निर्देश दिया था और आरबीआई से यह भी पूछा था कि वह साइबर अपराधियों द्वारा इस्तेमाल किए जा रहे बैंक खातों का पता लगाने और उन्हें ‘फ्रीज़’ करने के लिए कृत्रिम बुद्धिमत्ता (आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस) का उपयोग क्यों नहीं कर रहा है।

बांग्लादेश चुनाव में विवाद: ‘प्रो-इंडिया’ BNP और ‘अमेरिकी’ जमात के बीच खिंची जंग

ढाका     बांग्लादेश में 12 फरवरी को चुनाव होना है. इस बीच राजनीति का माहौल गरम है. लोग रोज नई बातें सुनते हैं. खासकर यह कि किस पर किस देश का असर है. काफी बार कहा जा रहा है कि BNP और जमात-ए-इस्लामी विदेशी ताकतों से जुड़े हैं. कुछ लोग इसे सच मानते हैं. कुछ इसे दुष्प्रचार कहते हैं. लेकिन असल बात क्या है, इसे समझना जरूरी है. बांग्लादेश में आम तौर पर लोकल मुद्दे जबकि चुनाव का मुख्य विषय होना चाहिए. जैसे रोजगार, महंगाई और नागरिकों की रोजमर्रा की परेशानियां. लेकिन इस बार चीजें थोड़ी अलग हैं. चुनाव भले लोकल है, लेकिन दूसरे देशों के नाम जमकर उछाले जा रहे हैं. खासकर भारत और अमेरिका. पता लगाया जा रहा है कि कौन किसके साथ है. भारत और अमेरिका का पहले भी बांग्लादेश के चुनाव से रिश्ता रहा है. लेकिन इस बार तो पाकिस्तान और तुर्की का नाम भी उठ रहा है. प्रो अमेरिका जमात सबसे पहले बात जमात-ए-इस्लामी की. जमात पर यह आरोप तब उठे जब वॉशिंगटन पोस्ट अखबार में यह खबर छपी कि अमेरिका के कुछ राजनयिक मानते हैं कि जमात इस चुनाव में अच्छा प्रदर्शन कर सकती है. यह रिपोर्ट कहती थी कि शायद अमेरिका जमात के साथ अपने रिश्ते को मजबूत करना चाहता है. यह भी इशारा किया गया था कि अमेरिका जमात को दोस्त मान सकता है. बाद में इस रिपोर्ट को लेकर बहस शुरू हो गई. कुछ लोगों ने कहा कि अमेरिका सीधे जमात को सपोर्ट कर रहा है. यह बात जल्दी ही आग की तरह फैल गई. सोशल मीडिया पर कई पोस्ट वायरल हुईं. लोगों ने इसी को आधार बनाकर कह दिया कि जमात अब अमेरिकी पार्टी बन चुकी है. जमात-ए-इस्लामी की तरफ से इसका जवाब भी आया. पार्टी के लोग कहते हैं कि किसी भी विदेशी देश से उनकी कोई सीधी दोस्ती या गठजोड़ नहीं है. उन्होंने कहा कि एक अखबार की रिपोर्ट से यह निष्कर्ष निकालना सही नहीं. उनका कहना है कि उनके पास किसी भी तरह का आधिकारिक अमेरिकी समर्थन नहीं है. क्या हुआ था कि कुछ बयानों में यह भी सुनने को मिला कि अमेरिका और जमात के नेता कुछ बातचीत कर रहे थे. जमात ने ब्रिटिश और अमेरिकी राजदूतों से मुलाकात की. मुलाकात के दौरान राजनीतिक और आर्थिक मुद्दों पर बातें हुईं. इन बैठकों को कुछ लोगों ने बढ़ा-चढ़ा कर पेश किया. इससे और अफवाहें पनपीं. BNP का भारत से गुप्त समझौता दूसरी तरफ BNP पर यह आरोप उभरने लगे कि वह प्रो-इंडिया पार्ट‍ी है. इसका आधार क्या है? इसके पीछे की कहानी थोड़ी अलग है. चुनाव शुरू होने से पहले कुछ नेताओं और सोशल मीडिया अकाउंट्स ने यह दावा किया कि BNP भारत के साथ किसी गुप्त समझौते के जरिये सत्ता में आना चाहती है. ऐसा कहा गया कि BNP के बड़े नेताओं ने भारत के प्रतिनिधियों से प्राइवेट बैठक की है. इन आरोपों को फैलाने वाले लोग यह भी कहते हैं कि BNP का नेतृत्व भारत के दबाव में काम कर रहा है. यह बात सोशल मीडिया पोस्ट, वीडियो और कुछ भाषणों में सुनी गई. लोग इसे बार-बार दोहरा रहे हैं. धीरे-धीरे यह धारणा बन गई कि BNP प्रो-इंडिया है. BNP ने एक आधिकारिक बयान में इन बातों को गलत बताया. पार्टी ने कहा कि भारत के साथ कोई शर्तों वाला समझौता नहीं हुआ है. कोई गुप्त डील नहीं है. BNP की नीति के बारे में पार्टी नेता बार-बार कहते रहे कि बांग्लादेश पहले है. उन्होंने यह साफ कहा कि वह किसी भी देश का एजेंडा नहीं अपनाएंगे. BNP का अध्यक्ष तारिक रहमान कई सभाओं में यही कहते दिखे कि राजनीति विदेशों के बारे में नहीं है. उनका कहना है कि देश की जनता ही तय करेगी कि कौन किसे चुनता है. वह कहते हैं कि दिल्ली या पिंडी या कोई और देश चर्चा का विषय नहीं होना चाहिए. लेकिन इन आरोपों का असर चुनावी राजनीति में दिख रहा है. दोनों पक्ष अपने विरोधियों को कमजोर दिखाने की कोशिश कर रहे हैं. किसी पार्टी को विदेशी समर्थक बताना आसान होता है. इससे विरोधी वोटरों को डराया जा सकता है. यह तरीका पुराना है. राजनीति में अक्सर विपक्ष को विदेशी ताकतों से जोड़कर देखा जाता है. वे लोग जो यह आरोप लगा रहे हैं, वे यह भी कहते हैं कि चुनाव संचालन में विदेशी तत्वों की मौजूदगी महसूस की जा रही है. वे दावा करते हैं कि वीडियो, इमेज और सोशल मीडिया सामग्री इस काम में मदद कर रहे हैं. कई बार ऐसी चीजें फैलती हैं जो असली नहीं होतीं. इनसे धारणा जल्दी बन जाती है. भारत-अमेरिका का है बांग्लादेश से पुराना याराना बांग्लादेश मीडिया प्रोथोम आलो के लिए पत्रकार मनोज डे लिखते हैं कि भारत और अमेरिका दोनों की बांग्लादेश में दिलचस्पी है. यह कोई गोपनीय बात नहीं. दोनों देश देख रहे हैं कि बांग्लादेश की राजनीति किस दिशा में जाए. लेकिन इसका यह मतलब नहीं कि अब किसी पार्टी ने उनके एजेंडे को अपनाया है. कूटनीतिक संबंध और राजनीतिक गठबंधन में फर्क होता है. असल में यह चुनाव नैरेटिव की लड़ाई बन गया है. पार्टियां मुद्दों की बजाय नैरेटिव पर जोर दे रही हैं. कौन सा नेता किस देश के साथ है, यह चर्चा से हटकर एक बड़ा विषय बन गया है. लेकिन सवाल यह है कि क्या इन आरोपों के पीछे सच्चाई है या सिर्फ प्रचार का हिस्सा? इसका जवाब अभी साफ नहीं है. अंत में यह भी याद रखना होगा कि इन आरोपों को साबित करने वाला कोई ठोस सार्वजनिक सबूत सामने नहीं आया है. जमात के मामले में अमेरिकी समर्थन की कोई ऑफ़िशियल घोषणा नहीं हुई. BNP के प्रो-इंडिया होने का कोई लिखित समझौता नहीं दिखा. हर तरफ बातें हैं, दस्तावेज कम हैं. बांग्लादेश के चुनाव में जब वोट पड़ेगा, तब पता चलेगा कि जनता इन आवाजों को किस नजर से देखती है. तब यह साफ होगा कि लोग विदेशी आरोपों के आधार पर फैसला करते हैं या देश के अपने मुद्दों को अहमियत देते हैं.  

slot server thailand super gacor

spaceman slot gacor

slot gacor 777

slot gacor

Nexus Slot Engine

bonus new member

olympus

situs slot bet 200

slot gacor

slot qris

link alternatif ceriabet

slot kamboja

slot 10 ribu

https://mediatamanews.com/

slot88 resmi

slot777

https://sandcastlefunco.com/

slot bet 100

situs judi bola

slot depo 10k

slot88

slot 777

spaceman slot pragmatic

slot bonus

slot gacor deposit pulsa

rtp slot pragmatic tertinggi hari ini

slot mahjong gacor

slot deposit 5000 tanpa potongan

mahjong

spaceman slot

https://www.deschutesjunctionpizzagrill.com/

spbo terlengkap

cmd368

368bet

roulette

ibcbet

clickbet88

clickbet88

clickbet88

bonus new member 100

slot777

https://bit.ly/m/clickbet88

https://vir.jp/clickbet88_login

https://heylink.me/daftar_clickbet88

https://lynk.id/clickbet88_slot

clickbet88

clickbet88

https://www.burgermoods.com/online-ordering/

https://www.wastenotrecycledart.com/cubes/

https://dryogipatelpi.com/contact-us/

spaceman slot gacor

ceriabet link alternatif

ceriabet rtp

ceriabet

ceriabet link alternatif

ceriabet link alternatif

ceriabet login

ceriabet login

cmd368

sicbo online live

Ceriabet Login

Ceriabet

Ceriabet

Ceriabet

Ceriabet