LATEST NEWS

इंदौर के 411 पुराने कुओं का जीर्णोद्धार कार्य तेजी से किया जा रहा, 15 तालाबों का गहरीकरण किया

इंदौर नगर निगम आयुक्त शिवम वर्मा ने बताया है कि शहर के 411 पुराने कुओं का जीर्णोद्धार कार्य तेजी से किया जा रहा है। इसके साथ ही शहर की पारंपरिक बावड़ियों को पुनर्जीवित करने की दिशा में भी प्रयास किए जा रहे हैं। नदियों में जल की सतत आवक सुनिश्चित करने हेतु हाईड्रोलॉजिकल सर्वे भी कराया जा रहा है। जल कार्य समिति के प्रभारी अभिषेक शर्मा बबलू ने बताया कि यह अभियान तीन साल पहले शुरू किया गया था और अब तक 15 तालाबों का गहरीकरण किया जा चुका है। मुख्यमंत्री की पहल पर जलगंगा संवर्धन अभियान मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के आव्हान पर पूरे प्रदेश में जलगंगा संवर्धन अभियान चलाया जा रहा है। इस अभियान का उद्देश्य जल संरक्षण को बढ़ावा देना है। अभियान के अंतर्गत उत्कृष्ट कार्य करने वाले विभागों को सम्मानित किया जाएगा। इसके तहत कलेक्टरों और जिला पंचायत के सीईओ को नकद पुरस्कार भी दिए जाएंगे, जिससे कार्य में उत्साह और प्रतिस्पर्धा बढ़ेगी। पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग की पुरस्कार योजना पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग ने जलगंगा संवर्धन में उल्लेखनीय योगदान के लिए पुरस्कारों की घोषणा की है। समग्र प्रदर्शन के आधार पर जिले के कलेक्टर को क्रमशः ₹1,50,000, ₹1,25,000 और ₹1,00,000 की पुरस्कार राशि से सम्मानित किया जाएगा। इसी प्रकार जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारियों को ₹1,00,000, ₹75,000 और ₹50,000 की नकद राशि प्रदान की जाएगी। वहीं, जिले के अमले को भी ₹6 लाख, ₹4.5 लाख और ₹3 लाख की पुरस्कार राशि दी जाएगी। ए और बी श्रेणी में बांटी जाएंगी पुरस्कार श्रेणियां पुरस्कार वितरण दो श्रेणियों – ए और बी – में किया जाएगा। जिला स्तरीय पुरस्कार के लिए ए श्रेणी में चार या उससे कम जनपद और बी श्रेणी में पांच या उससे अधिक जनपदों को शामिल किया गया है। विकासखंड स्तरीय पुरस्कार के लिए ए श्रेणी में 70 या उससे कम ग्राम पंचायतों वाली जनपद पंचायतें और बी श्रेणी में 71 या उससे अधिक ग्राम पंचायतों वाली पंचायतें आएंगी। दोनों स्तरों पर प्रथम पुरस्कार के तहत कलेक्टर को ₹1 लाख, सीईओ को ₹75 हजार, ग्रामीण यांत्रिकी सेवा के कार्यपालन यंत्री को ₹50 हजार और जिले के अमले को ₹2.75 लाख दिए जाएंगे।

सीहोर में सरकारी टीचर ने पार की हदें, पाक सेना का किया सपोर्ट, शेयर किया वीडियो, अब भुगतना होगा अंजाम

 सीहोर सीहोर में एक सरकारी स्कूल की टीचर शहनाज परवीन को सस्पेंड कर दिया गया है। उन्होंने सोशल मीडिया पर पाकिस्तानी सेना के समर्थन में पोस्ट किया था। जिला शिक्षा अधिकारी संजय सिंह तोमर ने यह कार्रवाई की। टीचर पर भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता का उल्लंघन करने का आरोप है। उनके इस काम को गलत माना गया है, इसलिए उन्हें सस्पेंड कर दिया गया है। टीचर शहनाज परवीन जावर की रहने वाली हैं। वह मेहतवाड़ा के सरकारी स्कूल में पढ़ाती हैं। उन्होंने सोशल मीडिया पर एक पोस्ट डाली थी। इस पोस्ट में उन्होंने पाकिस्तानी सैनिकों के लिए दुआ की थी। उन्होंने लिखा था कि पाकिस्तानी सैनिकों को अल्लाह अच्छा रखे। शिक्षिका ने शेयर किया था वीडियो दरअसल, जावर की रहने वाली शिक्षिका शहनाज परवीन शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय मेहतवाड़ा में बतौर शिक्षिका है. ऐसे में बजरंग दल की शिकायत पर जिला शिक्षा विभाग ने संज्ञान लिया. अब मध्य प्रदेश सिविल सेवा नियम के तहत उन पर गाज गिरी है. इस दौरान शिक्षिका शहनाज परवीन का मुख्यालय निलंबन अवधि में इछावर रखा गया है. टीचर को किया गया निलंबित सीहोर में सोशल मीडिया पर पाकिस्तानी सेना के पक्ष में एक पाकिस्तानी यूजर का पोस्टर शेयर करने वाली सरकारी शिक्षिका को जिला शिक्षा अधिकारी ने उन्हें सस्पेंड कर दिया है. दरअसल, सीहोर के जावर की रहने वाली शिक्षिका ने पाकिस्तान को सपोर्ट में एक वीडियो शेयर किया था जो देखते ही देखते वायरल हो गया. इस वीडियो में की सोशल मीडिया यूजर ने कमेंट भी किया था. इसके बाद शिक्षिका को जमकर ट्रोल किया जाने गया. वीडियो की भनक शिक्षा विभाग को लगी तो हड़कंप मच गया. फिर जिला शिक्षा अधिकारी ने उन्हें निलंबित कर दिया. सोशल मीडिया पर डाला था पोस्ट यह पोस्ट भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता 2023 के सेक्शन 163 का उल्लंघन है। इस नियम के अनुसार, कोई भी व्यक्ति सोशल मीडिया पर गलत या बिना पुष्टि की हुई जानकारी नहीं फैला सकता। इसमें सभी सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म आते हैं। बजरंग दल ने की कार्रवाई की मांग बजरंग दल ने इस मामले में शिक्षा विभाग से शिकायत की थी। शिक्षा विभाग के डीईओ संजय सिंह तोमर ने टीचर के इस काम को गलत माना। उन्होंने शहनाज परवीन को सस्पेंड कर दिया। सस्पेंशन के दौरान शहनाज परवीन का मुख्यालय इछावर रहेगा। विभाग के अधिकारी का कहना शिक्षा विभाग के डीईओ संजय सिंह तोमर ने बताया कि बजरंग दल ने इस मामले में शिकायत की थी। शिकायत में कहा गया था कि टीचर शहनाज परवीन ने पाकिस्तानी सेना के समर्थन में पोस्ट डालकर गलत काम किया है।

मध्यप्रदेश में आज हीट-वेव के बीच इन जिलों में आंधी-बारिश, भोपाल-इंदौर समेत 39 जिलों में आंधी का अलर्ट

भोपाल उत्तरी मध्य प्रदेश में गर्मी का पारा तेजी से बढ़ रहा है, जबकि पश्चिमी मध्य प्रदेश में बादल, बारिश के असर से तापमान में घट बढ़ रही है। खुजराहो सहित तीन जिलों में शुक्रवार को लू का असर रहा, जबकि ग्वालियर, नौगांव सहित आधा दर्जन जिलों में पारा 43 से 44 डिग्री तक दर्ज हुआ है। प्रदेश में सबसे गर्म खजुराहो में पारा 45.8 डिग्री रहा है। साथ ही कई जिलों में बारिश का दौर भी रहा है। मौसम केंद्र के अनुसार शनिवार को भी दो दर्जन जिलों में गरज चमक के साथ बारिश होगी। मौसम विशेषज्ञ एके शुक्ला के उत्तरी मप्र में दिन का पारा और बढ़ेगा, जिससे आधा दर्जन तक जिलों में लू का असर हो सकता है। हालांकि, इस बीच भोपाल में बादल, बौछारों से तापमान में ज्यादा बदलाव नहीं होगा। शुक्ला के अनुसार अभी एक साइक्लोनिक सकुर्लेशन उत्तर पश्चिमी उत्तर प्रदेश और आसपास के सक्रिय है। यहां से एक ट्रफ बिहार पश्चिमी बंगाल होते हुए उत्तरी बांग्लादेश तक सक्रिय है। एक सकुर्लेशन पूर्वी मप्र और इससे सटे उत्तर पूर्वी अरब सागर तक सक्रिय है। इससे प्रदेश में नमी आ रही है। इसी कारण से अभी प्रदेश में गर्मी बढ़ने के साथ बारिश का दौर भी चलेगा। चार सिस्टम की एक्टिविटी सीनियर मौसम वैज्ञानिक डॉ. दिव्या ई. सुरेंद्रन ने बताया, प्रदेश में 3 साइक्लोनिक सर्कुलेशन और एक टर्फ की एक्टिविटी है। इस वजह से बारिश और आंधी चल रही है। बारिश के साथ गर्मी का असर भी देखने को मिलेगा। इसके लिए अलर्ट जारी किया है। ग्वालियर, खजुराहो-नौगांव सबसे गर्म आंधी-बारिश के बीच मध्यप्रदेश में शुक्रवार को गर्मी के तेवर भी देखने को मिलें। एक बार फिर दिन का तापमान 45 डिग्री के पार पहुंच गया। छतरपुर जिला सबसे गर्म रहा। यहां के खजुराहो में पारा सबसे ज्यादा 45.8 डिग्री पहुंच गया। ग्वालियर और नौगांव में भी 45 डिग्री दर्ज किया गया। इस सीजन में पहली बार तापमान इतना पहुंचा। इसी तरह सतना में 44.1 डिग्री, गुना, शिवपुरी-टीकमगढ़ में 44 डिग्री, रीवा में 43.6 डिग्री, सीधी में 42.4 डिग्री, दमोह में 41.5 डिग्री, उमरिया में 40.5 डिग्री, सागर में 40.2 डिग्री और रायसेन में 40 डिग्री रहा। 3 घंटे की धूप ने किया बेहाल राजधानी में दोपहर तक बादल छाए रहे, लेकिन एक बजे के बाद बादल छंटते गए। हवा में 40 फीसदी से अधिक नमी के कारण दोपहर दो बजे के बाद धूप का असर बढ़ गया। 5 से 6 बजे के बीच 3 घंटे की धूप में ही लोगों को तेज गर्मी और उमस का अहसास रहा। दिन का पारा दोपहर में ढाई बजे के करीब 38 डिग्री था, जो 3 से 4 बजे के बीच एक से दो डिग्री तक और बढ़ गया। हालांकि, शाम को हवाओं के रफ्तार पकड़ते ही गर्मी और उमस से कुछ राहत मिली। 6 जिलों में 31 डिग्री तक रात का पारा शुक्रवार को पांच जिलों में रात का पारा 29 से 31 डिग्री के बीच तक रहा है। इनमें रीवा सबसे गर्म 31 डिग्री रहा। दमोह 29.5, बड़वानी 29.2 निवाड़ी 29.1 और सीधी तथा सतना में न्यूनतम पारा 29 डिग्री रहा है। इन जिलों में रात में काफी गर्मी महसूस की गई। आज यहां आंधी-बारिश मौसम केंद्र के अनुसार शनिवार तक भोपाल, सीहोर, राजगढ़, नर्मदापुरम, बैतूल, हरदा, बुरहानपुर, खंडवा, खरगौन, बड़वानी, अलीराजपुर, झाबुआ, धार, इंदौर, रतलाम, उज्जैन, देवास, शाजापुर, अनूपपुर, डिंडोरी, छिंदवाड़ा, सिवनी, मंडला, बालाघाट, पांढुर्णा, आगर, मंदसौर, नीमच, भिंड, मुरैना आदि में कहीं कहीं गरज चमक और तेज हवाओं के साथ बारिश होगी। शुक्रवार को दोपहर के शाम के बीच डिंडोरी, सिवनी, बुरहानपुर, खरगोन और बड़वानी, मंडला, अनूपपुर, बालाघाट, पांढुर्ना, बैतूल, धार, आंधी के साथ कहीं बारिश तो कहीं कुछ देर ओले गिरे हैं। चार सिस्टम की एक्टिविटी सीनियर मौसम वैज्ञानिक डॉ. दिव्या ई. सुरेंद्रन ने बताया, प्रदेश में 3 साइक्लोनिक सर्कुलेशन और एक टर्फ की एक्टिविटी है। इस वजह से बारिश और आंधी चल रही है। बारिश के साथ गर्मी का असर भी देखने को मिलेगा। इसके लिए अलर्ट जारी किया है। ग्वालियर, खजुराहो-नौगांव सबसे गर्म आंधी-बारिश के बीच मध्यप्रदेश में शुक्रवार को गर्मी के तेवर भी देखने को मिलें। एक बार फिर दिन का तापमान 45 डिग्री के पार पहुंच गया। छतरपुर जिला सबसे गर्म रहा। यहां के खजुराहो में पारा सबसे ज्यादा 45.8 डिग्री पहुंच गया। ग्वालियर और नौगांव में भी 45 डिग्री दर्ज किया गया। इस सीजन में पहली बार तापमान इतना पहुंचा। इसी तरह सतना में 44.1 डिग्री, गुना, शिवपुरी-टीकमगढ़ में 44 डिग्री, रीवा में 43.6 डिग्री, सीधी में 42.4 डिग्री, दमोह में 41.5 डिग्री, उमरिया में 40.5 डिग्री, सागर में 40.2 डिग्री और रायसेन में 40 डिग्री रहा।

राजस्थान में बेटियों को भजनलाल सरकार देगी 25 से 40 हजार रुपए, यह कागज होने जरूरी

जयपुर: राजस्थान सरकार ने बेटियों के लिए एक खास योजना शुरू की है। भजनलाल शर्मा सरकार चाहती है कि राज्य की बेटियां आत्मनिर्भर बनें और खेती के क्षेत्र में आगे बढ़ें। इसलिए, 11वीं कक्षा से लेकर पीएचडी करने वाली छात्राओं को हर साल 15 हजार से 40 हजार रुपये तक की मदद मिलेगी। यह योजना उन छात्राओं के लिए है जो आर्थिक रूप से कमजोर हैं और खेती को सिर्फ खेत तक ही नहीं, बल्कि प्रयोगशालाओं और मैनेजमेंट संस्थानों तक ले जाना चाहती हैं। बेटियों को आगे बढ़ाने के लिए नई योजना राजस्थान सरकार बेटियों को कृषि के क्षेत्र में आगे बढ़ाने के लिए कई कदम उठा रही है। सरकार का मानना है कि बेटियां अब खेतों से लेकर रिसर्च लैब तक अपनी पहचान बनाएंगी। इस योजना के तहत, सरकार पढ़ाई के हर स्तर पर छात्राओं की मदद करेगी। हालांकि इस योजना का नाम अभी तय नहीं है, लेकिन इसका लक्ष्य बेटियों को कृषि शिक्षा में प्रोत्साहित करना है। आवेदन करने की अंतिम तिथि 31 जनवरी 2026 है। सरकार ने प्रोत्साहन राशि को अलग-अलग स्तरों पर बांटा है-     11वीं और 12वीं में कृषि विषय लेने पर: 15,000 रुपये प्रति वर्ष     कृषि स्नातक (B.Sc. Ag, डेयरी, उद्यानिकी, कृषि अभियांत्रिकी आदि): 25,000 रुपये प्रति वर्ष (4 साल का कोर्स)     कर्ण नरेंद्र कृषि महाविद्यालय, जोबनेर में बीएससी एग्री-बिजनेस: 25,000 रुपये प्रति वर्ष (5 साल का कोर्स)     एम.एस.सी. कृषि में: 25,000 रुपये प्रति वर्ष (2 साल तक)     पीएच.डी. कृषि में: 40,000 रुपये प्रति वर्ष (अधिकतम 3 साल तक)   जानें जरूरी शर्तें इस योजना का लाभ उठाने के लिए कुछ जरूरी शर्तें भी हैं। छात्राएं राजस्थान की मूल निवासी होनी चाहिए। साथ ही, वे राज्य सरकार या राज्य द्वारा मान्यता प्राप्त कॉलेजों में कृषि से जुड़ी पढ़ाई कर रही हों। आवेदन करते समय, छात्राओं को अपना मूल निवास प्रमाण पत्र और पिछली कक्षा की मार्कशीट जैसी जानकारी देनी होगी। आवेदन करने का तरीका भी आसान है। छात्राएं एसएसओ आईडी या ई-मित्र केंद्र के माध्यम से राज किसान साथी पोर्टल पर ऑनलाइन आवेदन कर सकती हैं। आवेदन करने के बाद, कृषि विभाग के अधिकारी इसकी जांच करेंगे। फिर, स्कूल या कॉलेज के प्रिंसिपल एक सर्टिफिकेट जारी करेंगे। आखिरी में जिला परिषद के संयुक्त निदेशक (कृषि विस्तार) इसे मंजूरी देंगे। इनको नहीं मिलेगा लाभ प्रिंसिपल की भी जिम्मेदारी तय की गई है। उन्हें यह सुनिश्चित करना होगा कि छात्रा उसी कक्षा में दोबारा दाखिला नहीं ले रही है और परीक्षा में फेल नहीं हुई है। अगर प्रिंसिपल गलत जानकारी देते हैं, तो वे इसके लिए जिम्मेदार होंगे। कुछ छात्राओं को इस योजना का लाभ नहीं मिलेगा। जैसे कि, जो छात्राएं पिछली कक्षा में फेल हो गई हैं, या जो अपनी श्रेणी सुधारने के लिए फिर से उसी कक्षा में दाखिला ले रही हैं, उन्हें यह लाभ नहीं मिलेगा। इसके अलावा, अगर कोई छात्रा बीच में ही पढ़ाई छोड़ देती है, तो उसे भी इस योजना का लाभ नहीं मिलेगा। आवेदन करने की आखिरी तारीख 31 जनवरी 2026 सरकार ने आवेदन करने की आखिरी तारीख 31 जनवरी 2026 रखी है। इसलिए, जो छात्राएं कृषि में करियर बनाना चाहती हैं, उनके पास अभी काफी समय है। लेकिन, उन्हें सही दस्तावेज और तैयारी के साथ आवेदन करना होगा। सरकार का कहना है कि यह योजना सिर्फ आर्थिक मदद नहीं है, बल्कि एक सामाजिक संदेश भी है। सरकार चाहती है कि बेटियां कृषि के क्षेत्र में आगे बढ़ें और अपनी पहचान बनाएं। सरकार को उम्मीद है कि इस योजना से राज्य में कृषि क्षेत्र में बेटियों की भागीदारी बढ़ेगी।

RCB-KKR के बीच होने वाले मुकाबले से आईपीएल 2025 की दोबारा शुरुआत होगी

बेंगलुरु इंडियन प्रीमियर लीग (IPL) 2025 फिर से पटरी पर लौट रहा है. भारत-पाकिस्तान के बीच तनाव के चलते इस लीग को एक हफ्ते के लिए स्थगित करना पड़ा था. अब शनिवार (17 मई) को रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु (RCB) और कोलकाता नाइटराइडर्स (RCB) के बीच होने वाले मुकाबले से आईपीएल 2025 की दोबारा शुरुआत होगी. बेंगलुरु-कोलकाता का यह मुकाबला भारतीय समयानुसार शाम 7.30 बजे से बेंगलुरु के एम. चिन्नास्वामी स्टेडियम में खेला जाएगा. कोहली पर होंगी सबकी निगाहें इस मुकाबले में सबकी निगाहें रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु के स्टार बल्लेबाज विराट कोहली पर होंगी, जो टेस्ट क्रिकेट से संन्यास लेने के बाद पहली बार मैदान पर उतरेंगे. स्टेडियम में भी फैन्स ‘कोहली-कोहली’ के नारे निश्चित तौर पर लगाएंगे. वैसे भी ज्यादातर प्रशंसक इस मुकाबले में कोहली के सम्मान में सफेद जर्सी पहनकर मैदान पर आ सकते हैं. किंग कोहली भी टेस्ट करियर से शॉकिंग रिटायरमेंट के बाद इस मुकाबले में दमदार पारी खेलना चाहेंगे. इसमें कोई शक नहीं है कि केकेआर पर आरसीबी का पलड़ा भारी होगा. चेन्नई सुपरकिंग्स (CSK) के खिलाफ चोटिल हुए कप्तान रजत पाटीदार फिट हो चुके हैं, जो आरसीबी के लिए अच्छी खबर है. आरसीबी के अधिकांश विदेशी खिलाड़ी भी टीम को जॉइन कर चुके हैं. फिल साल्ट, लुंगी एनगिडी, टिम डेविड, लियाम लिविंगस्टोन और रोमारियो शेफर्ड जैसे खिलाड़ी सेलेक्शन के लिए उपलब्ध हैं. हालांकि तेज गेंदबाज जोश हेजलवुड की चोट के कारण गैरमौजूदगी आरसीबी के लिए एक बड़ी समस्या हो सकती है. उधर कोलकाता नाइट राइडर्स को मौजूदा सत्र में सबसे ज्यादा निराश उसके बल्लेबाजों ने किया है. कप्तान अजिंक्य रहाणे और युवा अंगकृष रघुवंशी के अलावा किसी भी बल्लेबाज में निरंतरता नहीं दिखी है. केकेआर को वेंकटेश अय्यर, आंद्रे रसेल और रिंकू सिंह से अब दमदार प्रदर्शन की उम्मीद होगी. वैसे केकेआर को इंग्लिश ऑलराउंडर मोईन अली की कमी खलेगी, जो वायरल बुखार के कारण बाहर हो गए हैं. वरुण चक्रवर्ती, सुनील नरेन, वैभव अरोड़ा और हर्षित राणा केकेआर की बॉलिंग की अहम कड़ी रहने वाले हैं. रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु की संभावित प्लेइंग इलेवन: विराट कोहली, फिल साल्ट, मयंक अग्रवाल, रजत पाटीदार (कप्तान), जितेश शर्मा (विकेटकीपर), टिम डेविड, क्रुणाल पंड्या, रोमारियो शेफर्ड, लुंगी एनिगडी, भुवनेश्वर कुमार, यश दयाल. कोलकाता नाइट राइडर्स की संभावित प्लेइंग इलेवन: रहमानुल्लाह गुरबाज (विकेटकीपर), सुनील नरेन, अजिंक्य रहाणे (कप्तान), अंगकृष रघुवंशी, मनीष पांडे, रिंकू सिंह, आंद्रे रसेल, रमनदीप सिंह, अनुकूल रॉय, हर्षित राणा, वरुण चक्रवर्ती. फैंटेसी इलेवन में ये होंगे बेस्ट: फिल साल्ट, विराट कोहली (उप-कप्तान), रजत पाटीदार, अजिंक्य रहाणे, अंगकृष रघुवंशी, सुनील नरेन (कप्तान), क्रुणाल पंड्या, आंद्रे रसेल, भुवनेश्वर कुमार, हर्षित राणा, वरुण चक्रवर्ती. आईपीएल 2025 की अंकतालिका में फिलहाल रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु दूसरे नंबर पर है. आरसीबी के 11 मैचों में 8 जीत से 16 अंक हैं. इस मुकाबले में जीत उसे प्लेऑफ में जगह पक्की कर देगी. दूसरी तरफ कोलकाता नाइट राइडर्स 12 मैचों में 11 अंकों के साथ तालिका में छठे स्थान पर है. आरसीबी के हाथों मुकाबला हारने पर केकेआर प्लेऑफ की रेस से पूरी तरह बाहर हो जाएगी. IPL में आरसीबी-केकेआर के बीच H2H इंडियन प्रीमियर लीग में रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु और कोलकाता नाइट राइडर्स के बीच अबतक 35 मुकाबले हुए हैं. इस दौरान 20 मैचों में कोलकाता की टीम को जीत मिली. वहीं 15 मैच आरसीबी ने जीते. इस सीजन में दोनों टीमें दूसरी बार भिड़ रही हैं. इससे पहले 22 मार्च 2025 को दोनों टीमों के बीच ईडन गार्डन्स में मुकाबला हुआ था. उस मुकाबले में आरसीबी ने 7 विकेट से जीत हासिल की थी. रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु का स्क्वॉड: फिल साल्ट, विराट कोहली, रजत पाटीदार (कप्तान), मयंक अग्रवाल, जितेश शर्मा (विकेटकीपर), टिम डेविड, क्रुणाल पंड्या, रोमारियो शेफर्ड, भुवनेश्वर कुमार, सुयश शर्मा, जोश हेजलवुड, यश दयाल, रसिख सलाम डार, मनोज भंडागे, जैकब बेथेल, स्वप्निल सिंह, लियाम लिविंगस्टोन, नुवान तुषारा, लुंगी एनगिडी, मोहित राठी, स्वास्तिक चिकारा, अभिनंदन सिंह. कोलकाता नाइट राइडर्स का स्क्वॉड: अजिंक्य रहाणे (कप्तान), मनीष पांडे, अंगकृष रघुवंशी, रिंकू सिंह, लवनिथ सिसोदिया, क्विंटन डिकॉक, रहमानुल्लाह गुरबाज, सुनील नरेन, आंद्रे रसेल, रमनदीप सिंह, अनुकूल रॉय, वेंकटेश अय्यर, वरुण चक्रवर्ती, हर्षित राणा, वैभव अरोड़ा, मयंक मार्कंडे, उमरान मलिक, एनरिक नॉर्किया, स्पेंसर जॉनसन.  

जो वर्तमान समय में सामाजिक सहभागिता की अनूठी पहल : मुख्यमंत्री डॉ. यादव

इंदौर मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने इंदौर में प्रदेश के सबसे बड़े शासकीय बाल चिकित्सालय चाचा नेहरू बाल चिकित्सालय एवं अनुसंधान केंद्र के जनभागीदारी से कायाकल्पित स्वरूप का लोकार्पण कर प्रदेशवासियों को समर्पित किया। लोकार्पण के बाद मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने चिकित्सालय की अत्याधुनिक सुविधाओं से परिपूर्ण पीडियाट्रिक इंटेंसिव केयर यूनिट (पीआईसीयू) का अवलोकन कर सराहना की। चाचा नेहरू बाल चिकित्सालय जनभागीदारी और जनसहयोग से कायाकल्प किए जाने का अनुपम उदाहरण प्रस्तुत करता हैं। लगभग 8 करोड़ रुपए की लागत से 2 चरणों में चिकित्सालय का कायाकल्प किया जा रहा हैं। इसकी सबसे बड़ी विशेषता यह है कि उक्त राशि सामाजिक संगठनों, दानदाताओं, क्रेडाई इंदौर और सीएसआर फंड्स के माध्यम से एकत्र की गई है , जो वर्तमान समय में सामाजिक सहभागिता की अनूठी पहल हैं। चिकित्सालय का कायाकल्प 2 चरणों में किया जा रहा है। इसके प्रथम चरण का कार्य मई 2025 में पूर्ण किया जा चुका हैं। चिकित्सालय के कायाकल्प के तहत वातानुकूलित वार्ड्स, पीडियाट्रिक इंटेंसिव केयर यूनिट (पी आई सी यू), हाई डिपेंडेंसी यूनिट (एचडीयू), सीवियर मालन्यूट्रीशन ट्रीटमेंट यूनिट (एसएमटीयू), एक्स रे कक्ष, मॉड्यूलर किचन, फाउलर बेड्स एवं टॉयलेट्स बनाए गए हैं। इससे बच्चों के उपचार के दौरान अनुकूल वातावरण बनाने में मदद होगी।  

निकाय चुनाव के लिए प्रत्याशी चयन से लेकर बूथ प्रबंधन तक का काम देखने के लिए अलग से टीम बनाईगी कांग्रेस

भोपाल विधानसभा और लोकसभा क्षेत्रों का परिसीमन नहीं हुआ तो प्रदेश में नगरीय निकायों के चुनाव 2027 में होंगे। कांग्रेस ने इसकी तैयारी अभी से प्रारंभ की है। प्रत्याशी चयन से लेकर बूथ प्रबंधन तक का काम देखने के लिए अलग से टीम बनाई जा रही है। इसमें उन नेताओं को रखा जाएगा, जिन्हें चुनाव लड़ाने का अनुभव है। जिला और ब्लाॅक कांग्रेस इकाई की प्रत्याशी चयन में महत्वपूर्ण भूमिका रहेगी। पार्टी का प्रयास है कि स्थानीय और जातीय समीकरणों को देखते हुए प्रत्याशी चयन का काम एक वर्ष पूर्व पूरा कर लिया जाए ताकि संबंधित को काम करने के लिए पर्याप्त समय मिल जाए। वर्ष 2022 में हुए नगरीय निकाय चुनाव में कांग्रेस ने लंबे समय बाद बेहतर प्रदर्शन करते हुए पांच नगर निगम में जीत दर्ज की थी। ग्वालियर, मुरैना, रीवा, छिंदवाड़ा और जबलपुर में कांग्रेस के महापौर बने थे। इसी तरह नगर पालिका और नगर परिषद में भी पार्षद बने थे। कालांतर में विभिन्न कारणों से जबलपुर, छिंदवाड़ा और मुरैना महापौर का पार्टी से मोहभंग हुआ और उन्होंने भाजपा की सदस्यता ले ली। छिंदवाड़ा के महापौर विक्रम अहाके को लेकर असमंजस आज भी बना हुआ है क्योंकि वह लोकसभा चुनाव के समय भाजपा में शामिल हो गए थे और कुछ दिनों बाद फिर वापसी का दावा किया गया। पार्टी के अच्छे प्रदर्शन का बड़ा कारण नए चेहरों पर दांव लगाना और समय से पहले प्रत्याशी को लेकर स्थिति स्पष्ट कर देना था। यही काम 2027 में होने वाले निकाय चुनाव के लिए भी अभी से किया जा रहा है। इसके लिए अलग से पूरी टीम बनाई जा रही है, जिसका काम केवल निकाय चुनाव पर फोकस करना रहेगा। प्रत्याशी चयन से लेकर चुनाव प्रबंधन तक में इसकी भूमिका निर्णायक रहेगी। सूत्रों का कहना है कि प्रत्याशी चयन में इस बार जिला और ब्लाक इकाइयों की महत्वपूर्ण भूमिका रहेगी। सर्वे में जिनका नाम प्रमुखता से सामने आएगा, उन पर स्थानीय इकाइयों के अध्यक्षों की राय ली जाएगी। यदि सहमति बनती है तो फिर जिला प्रभारी के माध्यम से प्रस्ताव प्रदेश कांग्रेस कमेटी को अंतिम निर्णय के लिए भेजा जाएगा।

केन्द्रीय भू-जल बोर्ड की टीम ने किया सर्वे, रिपोर्ट के आधार पर बनाए जाएंगे जल स्रोतों के रिचार्ज

भोपाल केन्द्रीय भू-जल बोर्ड के वरिष्ठ वैज्ञानिक श्री राकेश सिंह के नेतृत्व में भू-जल विशेषज्ञों की टीम ने विदिशा जिले के जल स्रोतों का सर्वे किया है। जल गंगा संवर्धन अभियान के अंतर्गत इस तरह के सर्वे प्रदेश भर में कराए जाएंगे। इनकी सर्वे रिपोर्ट के आधार पर जल स्रोतों के रिचार्ज के लिए संरचनाएं बनाई जाएंगी। इस कार्रवाई को मानसून के सक्रिय होने से पूर्व पूरा कर लिया जाएगा। जल गंगा अभियान के अंतर्गत प्रदेश की एकल नल जल योजनाओं के स्रोतों के स्थायित्व और निरंतरता के लिए रिचार्ज संरचनाओं का निर्माण किया जाना है। गांवों में रिचार्ज संरचनाओं के लिए स्थल चयन की सरल और सहज विधि आवश्यक है। इसके लिए प्रथम चरण में विदिशा जिले के तीन गांवों का चयन किया गया है। इनमें विदिशा विकासखंड का लालाखेड़ी, ग्यारसपुर विकासखंड के सिमरहार और मूडरा गणेशपुर शामिल हैं। सर्वे के लिए वैज्ञानिक श्री सिंह और लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग की भू-जल विद सलाहकार डॉ. स्वाति जैन ने जनपद पंचायत और लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग के इंजीनियर्स को प्रशिक्षण दिया। गांवों में खनित नलकूपों का वास्तविक सर्वेक्षण कर उनकी गहराई, जलस्तर, केसिंग की जानकारी एकत्रित की गई। ग्रामीणों को रिचार्ज संरचनाओं की उपयोगिता समझाई गई। प्रशिक्षण में मुख्य रूप से रिचार्ज का मापदंड, वर्षा जल का प्रभावी रूप से रिचार्ज होना और प्रदूषण रहित जल से भू-जल पुनर्भरण किये जाने के बारे में बताया गया। वैज्ञानिक श्री सिंह ने बताया कि गांव के ढलान के अनुसार पानी को दिशा देकर 3-3 मीटर के फिल्टर के माध्यम से नलकूपों में पुनर्भरण किया जा सकता है। चौपड़ा मंदिर स्थित भैरूगढ़ बावड़ी की सफाई देवास जिले में जल गंगा संवर्धन अभियान के अंतर्गत नगरीय निकायों और ग्राम पंचायतों में जल संरक्षण के कार्य किये जा रहे हैं। अभियान जल की एक-एक बूंद को सहेजने के लिए गुड़ी पड़वा से प्रारंभ हुआ ये अभियान गंगा दशहरा 30 जून 2025 तक जारी रहेगा। अभियान में जल संरचनाओं के निर्माण एवं गहरीकरण का कार्य किया जा रहा है। इसी क्रम में नगर निगम देवास की टीम ने जन भागीदारी के साथ चौपड़ा मंदिर स्थित भैरूगढ़ बावड़ी 947 श्रमदान कर साफ-सफाई की। शहडोल के गांव-गांव में श्रमदान से जल संरक्षण जल गंगा संवर्धन अभियान अंतर्गत शहडोल में ‘आओ बचाएं जल, करे सुरक्षित कल’, ‘पानी बचाओ कल के लिये’, और ‘पानी की बर्बादी जीवन की बर्बादी’ जैसे स्लोगन्स के साथ जल संरक्षण के लिये जनप्रतिनिधियों, जन अभियान परिषद के सदस्यों, समाजसेवी और स्थानीय नागरिकों के सहयोग से जल संग्रहण संरचनाओं के जीर्णोद्धार, नदी नालों की सफाई, बोरी बंधान और तालाबों का गहरीकरण जैसे जल संरक्षण के अनेक कार्य निरंतर किये जा रहे है। अभियान के अंतर्गत शहडोल के सुमन सरोवर और पोनांग तालाब की साफ-सफाई की गई। ईच्छापुर की प्राचीन शिव पावबावड़ी में स्वच्छता अभियान बुरहानपुर में जन अभियान परिषद ने जल गंगा संवर्धन अभियान के अंतर्गत जल संरक्षण के ईच्छापुर गांव में सामुदायिक नेतृत्व क्षमता विकास पाठ्यक्रम के विद्यार्थियों के सहयोग से शिव पावबावड़ी पर स्वच्छता अभियान संचालित किया। बावड़ी की साफ-सफाई के साथ ही विद्यार्थियों को जल संरक्षण की शपथ भी दिलवाई गई।  

2024-25 में अधोसंरचना विकास का नया अध्याय – 5,500 किमी सड़कें बनीं, 6,400 करोड़ का निवेश

भोपाल मध्यप्रदेश में अधोसंरचना विकास का स्वरूप अब केवल निर्माण कार्यों तक सीमित नहीं रह गया है, बल्कि यह सामाजिक, आर्थिक और तकनीकी परिवर्तन की दिशा में निर्णायक भूमिका निभा रहा है। लोक निर्माण विभाग द्वारा “लोक निर्माण से लोक कल्याण” के मूलमंत्र के साथ सुदृढ़, पारदर्शी और जनहितकारी अधोसंरचना का निर्माण किया जा रहा है। राज्य का विशाल सड़क नेटवर्क प्रदेश में लोक निर्माण विभाग के अधीन 80,775 किलोमीटर लंबा सड़क नेटवर्क है। इसमें 9,315 किमी राष्ट्रीय राजमार्ग, 11,389 किमी राज्य राजमार्ग, 25,639 किमी मुख्य जिला मार्ग और 34,432 किमी अन्य जिला मार्ग शामिल हैं। यह नेटवर्क प्रदेश के ग्रामीण, शहरी, औद्योगिक और कृषि क्षेत्रों को जोड़ने का कार्य कर रहा है। विगत एक वर्ष में हुआ अभूतपूर्व निर्माण कार्य विगत एक वर्ष से अधिक लगभग 14 महीनों में 6,400 करोड़ रुपये की लागत से 5,500 किमी सड़कों का निर्माण एवं सशक्तिकरण, 345 करोड़ रुपये से 1,500 किमी का डामरीकरण तथा 2,000 करोड़ रुपये से 110 पुलों और एलिवेटेड कॉरिडोर का निर्माण किया गया है। इसके अतिरिक्त वर्तमान में 22,500 करोड़ रुपये की लागत से 10,000 किमी सड़कों और 10,463 करोड़ रुपये से 474 पुलों एवं फ्लाईओवर पर निर्माण कार्य जारी है। शहरी विकास और बड़े प्रोजेक्ट्स पर फोकस ग्वालियर, जबलपुर, भोपाल और इंदौर जैसे प्रमुख शहरों में एलिवेटेड कॉरिडोर के निर्माण को प्राथमिकता दी गई है। प्रदेश में 6 प्रमुख कॉरिडोर परियोजनाएं – नर्मदा प्रगतिपथ, विंध्य एक्सप्रेस-वे, मालवा-निमाड़ कॉरिडोर, अटल प्रगति पथ, बुंदेलखंड कॉरिडोर और मध्य भारत विकास पथ प्रारंभ की गई हैं। ये पिछड़े क्षेत्रों को विकास की मुख्य धारा से जोड़ेंगी। राष्ट्रीय राजमार्गों का चौड़ीकरण और नया समझौता प्रदेश के लगभग सभी राष्ट्रीय राजमार्गों को 4 लेन में परिवर्तित करने की योजना में अब तक 4,740 किमी मार्गों को 4 लेन में बदला जा चुका है। शेष 3,050 किमी पर कार्य जारी है। मध्यप्रदेश शासन और राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) के बीच 1 लाख करोड़ रुपये की लागत से 4,010 किमी लंबाई की 22 नई सड़क परियोजनाओं हेतु ऐतिहासिक समझौता हुआ है। इसमें इंदौर-भोपाल, भोपाल-जबलपुर हाईस्पीड ग्रीनफील्ड कॉरिडोर, लखनऊ-रायपुर एक्सप्रेसवे, आगरा-ग्वालियर, उज्जैन-झालावाड़, सतना-चित्रकूट और रीवा-सीधी जैसे महत्त्वपूर्ण मार्ग शामिल हैं। महाकुंभ-2028 और रोपवे परियोजनाएं उज्जैन महाकुंभ-2028 को ध्यान में रखते हुए इंदौर-उज्जैन मार्ग का 6 लेन में चौड़ीकरण तथा उज्जैन-जावरा ग्रीनफील्ड एक्सप्रेसवे का कार्य तेज़ी से चल रहा है। यह प्रदेश का पहला पूर्ण ग्रीनफील्ड एक्सप्रेस-वे होगा।साथ ही उज्जैन के महाकाल मंदिर, सागर के नट निकेतन, जबलपुर के गुरुद्वारा और बलदेव बाग में रोपवे परियोजनाएं भी भारत सरकार के सहयोग से प्रारंभ की गई हैं। तकनीकी नवाचार और गुणवत्ता नियंत्रण गुणवत्ता और पारदर्शिता सुनिश्चित करने के लिए फुल डेप्थ रिक्लेमेशन, व्हाइट टॉपिंग और माइक्रो सर्फेसिंग जैसी नवीन तकनीकों को अपनाया गया है। निरीक्षण प्रक्रिया में सॉफ्टवेयर आधारित प्रणाली, गुप्त कोडिंग और सैंपलिंग प्रक्रिया लागू की गई है। पिछले 2 महीनों में 21 जिलों में 104 निर्माण कार्यों का निरीक्षण किया गया। इसमें दोषियों पर कार्रवाई की गई और उत्कृष्ट कार्य करने वालों को सम्मानित किया गया। डिजिटल समाधान: लोकपथ ऐप और निगरानी तंत्र लोक निर्माण विभाग ने तकनीकी उन्नयन के तहत “लोक पथ” मोबाइल ऐप, सार्थक ऐप, इंटीग्रेटेड प्रोजेक्ट मैनेजमेंट सिस्टम और पीएम गति शक्ति पोर्टल को लागू कर निगरानी और शिकायत निवारण प्रक्रिया को सशक्त किया है। गौरतलब है कि लोकपथ ऐप का उल्लेख ‘कौन बनेगा करोड़पति’ जैसे प्रतिष्ठित मंच पर भी हुआ है। मानव संसाधन विकास और नीति निर्माण प्रदेश के 1,750 इंजीनियरों का कौशल विश्लेषण कर उनके लिए विशेष प्रशिक्षण कार्यक्रम तैयार किया गया है। साथ ही दीर्घकालिक रोड नेटवर्क मास्टर प्लान एवं रोड सेक्टर पॉलिसी का निर्माण भी प्रगति पर है। हरियाली और जल संरक्षण की दिशा में पहल पर्यावरण संरक्षण को ध्यान में रखते हुए वृक्षों को काटने की बजाय स्थानांतरित किया जा रहा है। इसके साथ ही ‘ग्राउंड वॉटर रिचार्ज बोर’ और ‘लोक कल्याण सरोवर’ जैसी योजनाएं जल संरक्षण के उद्देश्य से लागू की गई हैं। प्रदेश नवाचार की नींव पर आत्मनिर्भरता की ओर अग्रसर प्रदेश में अधोसंरचना विकास अब केवल आवागमन की सुविधा तक सीमित नहीं है, बल्कि यह सामाजिक, आर्थिक और सांस्कृतिक समृद्धि का आधार बन गया है। “लोक निर्माण से लोक कल्याण” के ध्येय वाक्य को साकार करते हुए लोक निर्माण विभाग प्रदेशवासियों को बेहतर भविष्य की ओर ले जा रहा है।  

पार्किंग शुरू होने से स्थानीय लोगों व मार्केट के दुकानदारों ने राहत की सांस ली, छह माह बाद फिर से शुरू हुई पार्किंग

नई दिल्ली कृष्णा नगर इलाके में छह माह बाद फिर से दिल्ली नगर निगम की बहुमंजिला पार्किंग शुरू हो गई है। दमकल विभाग की एनओसी मिलने के बाद इसको शुरू किया गया है। पार्किंग शुरू होने से स्थानीय लोगों व मार्केट के दुकानदारों ने राहत की सांस ली है। पार्किंग के बंद होने से लोग सड़कों पर वाहनों को पार्क कर रहे थे। जिससे क्षेत्र में जाम की समस्या बनी हुई थी। पार्किंग में अभी लाइट की व्यवस्था नहीं है, पार्किग ठेकेदार ने बिजली के मीटर के लिए बीएसईएस में आवेदन किया हुआ है। कार मालिकों से एक माह का किराया दो हजार रुपये लिया जा रहा है। पार्किंग में 250 गाड़ियों के खड़े होने की जगह है। यह निगम की यमुनापार में एकमात्र बहुमंजिला पार्किंग है। गत 31 अक्टूबर को पार्किंग संचालक की ठेका अवधि पूरी हो गई थी। निगम ने समय रहते इसकी फायर एनओसी नवीनीकरण के लिए आवेदन नहीं किया था। एनओसी मिलने के बाद बृहस्पतिवार को फिर से पार्किंग शुरू कर दी गई है। जोन चेयरमैन संदीप कपूर ने बताया कि पार्किंग में आग बुझाने के उपकरण लगे हुए हैं। जैसे की फायर अलार्म, ऑटोमैटिक स्प्रिंकलर सिस्टम, इंटर्नल हाइड्रेंट, यार्ड हाइड्रेंट में कमी थी। जिस वजह से एनओसी मिल नहीं पा रही थी। चेयरमैन ने स्थानीय लोगों से कहा कि पार्किंग शुरू हो गई है। लोग सड़कों की जगह पार्किंग में अपना वाहन खड़ा करें। स्थानीय लोगों ने बताया कि पार्किंग के बंद होने से वह काफी समस्या का सामना कर रहे थे। क्षेत्र में कोई दूसरी ऐसी पार्किंग नहीं है, जहां वह अपना वाहन खड़ा कर सकें। बहुमंजिला पार्किंग शुरू होने से क्षेत्र में यातायात की समस्या दूर होगी। कृष्णा नगर मार्केट में सामान खरीदने के लिए आने वाले वाहन चालकों को भी पार्किंग के लिए परेशान नहीं होना पड़ेगा।

भोजपुरी अभिनेता, गायक और बीजेपी संसद मनोज तिवारी ने अनोखे अंदाज में सेना को सम्मान देने का फैसला किया

मुंबई भोजपुरी अभिनेता, गायक और भारतीय जनता पार्टी से सांसद मनोज तिवारी ने अनोखे अंदाज में सेना को सम्मान देने का फैसला किया है। सोशल मीडिया पर पोस्टर को शेयर करते हुए उन्होंने बताया कि भारतीय सशस्त्र बलों के शानदार काम को सम्मानित करते हुए हम ‘सिंदूर की ललकार’ गाना जारी करेंगे। इंस्टाग्राम हैंडल पर मनोज तिवारी ने अपकमिंग गाने के पोस्ट को शेयर करते हुए बताया कि यह जल्द ही उनके आधिकारिक यूट्यूब चैनल पर आने वाला है। उन्होंने जानकारी देते हुए कैप्शन में लिखा, “‘सिंदूर‘ की ललकार’ जल्द ही मृदुल मंथन के आधिकारिक यूट्यूब चैनल पर रिलीज होगी।” उन्होंने आगे बताया, “यह गाना हमारी भारतीय सेना को समर्पित है और ऑपरेशन सिंदूर के तहत उनके प्रेरणादायक कार्यों पर आधारित है। जय हिंद।” इससे पहले शुक्रवार को मनोज ने इंस्टाग्राम पर भारतीय सेना की कर्नल सोफिया कुरैशी और वायुसेना की विंग कमांडर व्योमिका सिंह के साथ एक पोस्ट शेयर कर गाने के बारे में जानकारी साझा की थी। मनोज तिवारी से पहले भोजपुरी इंडस्ट्री के पावर स्टार पवन सिंह ने देशभक्ति की भावना से भरपूर एक नए गाने का ऐलान किया था, जिसे उन्होंने 11 मई को रिलीज किया था। इस गाने का नाम ‘सिंदूर’ है। यह गाना ‘ऑपरेशन सिंदूर’ में भारतीय सेना द्वारा दिखाई गई वीरता को समर्पित है। जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में हुए गत 22 अप्रैल को आतंकवादी हमले के बाद पाकिस्तान और पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर (पीओके) में भारतीय सेना ने आतंकवादियों के नौ ठिकानों को तबाह कर दिया था। इस कार्रवाई को ‘ऑपरेशन सिंदूर’ नाम दिया गया। गाने की शुरुआत में एक आतंकवादी को देखा जा सकता है जो छुट्टियां मना रहे एक परिवार को दूरबीन से देखता है और अपने झुंड के साथ आगे बढ़ता है। इसके बाद लाशें और उनके पास चीखती-चिल्लाती, रोती हुई औरतें दिखाई जाती हैं। इस मंजर को पहलगाम आतंकी हमले से जोड़कर दिखाया गया है। गाने में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के बयान को भी शामिल किया गया, जिसे पवन सिंह टीवी पर सुनते हुए नजर आते हैं। प्रधानमंत्री कह रहे हैं, ”साथियों, इस आतंकी हमले में, किसी ने अपना बेटा खोया, किसी ने अपना भाई खोया, किसी ने अपना जीवन साथी खोया।” इसके बाद दर्दनाक संगीत के साथ गाना शुरू होता है। पवन सिंह ने गाने में अपनी आवाज से जलवा बिखेरा है। गाने को किशोर दुलरुआ ने लिखा और कम्पोज किया है। गौतम यादव ने बेहतरीन म्यूजिक दिया है। इसे बर्दर म्यूजिक स्टूडियो के बैनर तले रिलीज किया गया है। गाने को पवन सिंह ने अपने यूट्यूब चैनल ‘पवन सिंह ऑफिशियल’ पर रिलीज किया है।

कैंटीन में श्रमिकों को पांच से 10 रुपये में मिले चाय, नाश्ता और भोजन, परिवार को बीमा सुरक्षा: सीएम योगी

लखनऊ मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने प्रदेश की औद्योगिक प्रगति तभी संभव है जब श्रम कानूनों को प्रो-इंडस्ट्री और प्रो-श्रमिक दोनों दृष्टियों से संतुलित बनाया जाए। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि श्रम कानूनों का सरलीकरण इस प्रकार किया जाए जिससे उद्योगों को सुविधा मिले, लेकिन यह भी सुनिश्चित हो कि श्रमिकों के शोषण या उनके साथ अमानवीय व्यवहार की कोई संभावना न रहे। सीएम योगी शुक्रवार को श्रम एवं सेवायोजन विभाग की समीक्षा बैठक कर रहे थे। उन्होंने कहा कि श्रमिक और उद्योगपति एक-दूसरे के पूरक हैं, न कि प्रतिस्पर्धी। सीएम योगी ने इस दौरान श्रमिकों और उनके परिवार को बीमा सुरक्षा दिए जाने का अफसरों को निर्देश दिया। मुख्यमंत्री ने कहा कि हर हाथ को काम देने के लिए हमें उद्योगों को सशक्त करना होगा। उद्योग बंद कर किसी को रोजगार नहीं दिया जा सकता, बल्कि उद्योगों का विस्तार ही अधिकाधिक रोजगार सृजन का माध्यम है। उन्होंने कहा कि दुर्घटना की स्थिति में श्रमिकों और उनके परिवारों को सुरक्षा मिले, इसके लिए उन्हें सम्मानजनक मानदेय और बीमा सुरक्षा कवच देना अनिवार्य है। उन्होंने कहा कि श्रमिकों के अधिकारों की रक्षा करते हुए राज्य सरकार का प्रयास है कि उत्तर प्रदेश देश का सबसे बड़ा श्रमिक-हितैषी और उद्योग समर्थ राज्य बनकर उभरे। बैठक में अधिकारियों ने मुख्यमंत्री को अवगत कराया कि आजादी के बाद से 2016 तक प्रदेश में 13,809 कारखाने पंजीकृत थे, जबकि पिछले 9 वर्षों में 13,644 नए कारखानों का पंजीकरण हुआ है। यह 99% की वृद्धि है। अधिकारियों ने आगे बताया कि भारत सरकार के बीआरएपी रिकमेंडेशन के क्रियान्वयन में श्रम विभाग को अचीवर स्टेट का दर्जा प्राप्त हुआ है। इन उपलब्धियों की मुख्यमंत्री ने सराहना करते हुए इसे अभूतपूर्व बताया। बाल श्रमिकों के पुनर्वास को दें गति मुख्यमंत्री ने कहा कि बाल श्रमिकों को केवल आजीविका से नहीं, बल्कि मुख्यमंत्री बाल सेवा योजना और स्पॉन्सर्ड स्कीम्स से जोड़ते हुए उनके पुनर्वासन की दिशा में तीव्र गति से कार्य किया जाए। यह न केवल सामाजिक दायित्व है बल्कि भावी पीढ़ी को सुरक्षित भविष्य देने का दायित्व भी है। मॉडल के तौर श्रमिक अड्डों को करें विकसित मुख्यमंत्री ने श्रमिक अड्डों को मॉडल के रूप में विकसित करने के निर्देश दिए, जहां डोरमेट्री, शौचालय, पेयजल, कैंटीन और ट्रेनिंग सुविधाएं उपलब्ध हों। उन्होंने कहा कि कैंटीन में श्रमिकों को 5-10 रुपये में चाय, नाश्ता और भोजन मिले, यह सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने असंगठित क्षेत्र के श्रमिकों की स्किल मैपिंग कराकर न्यूनतम मानदेय की गारंटी व्यवस्था लागू करने के निर्देश दिए। मुख्यमंत्री ने कहा कि यह असंगठित कार्यबल को संगठित श्रम शक्ति में बदलने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल होगी। विदेश में रोजगार के लिए भाषायी प्रशिक्षण अनिवार्य मुख्यमंत्री ने कहा कि विदेश में रोजगार हेतु जाने वाले निर्माण श्रमिकों को न केवल तकनीकी प्रशिक्षण दिया जाए, बल्कि गंतव्य देश की भाषा का भी प्रशिक्षण अनिवार्य किया जाए। यह उनकी कार्यक्षमता और सुरक्षा दोनों के लिए आवश्यक है। निजी अस्पतालों को भी स्वास्थ्य योजनाओं से जोड़ें मुख्यमंत्री ने निर्देशित करते हुए कहा कि आयुष्मान भारत योजना की तर्ज पर निजी अस्पतालों को सीएसआईसी और ईएसआईएस से जोड़ा जाए। इससे संगठित और असंगठित दोनों क्षेत्रों के श्रमिकों को स्वास्थ्य लाभ मिलेगा। अटल आवासीय विद्यालय बनें गुणवत्ता का प्रतीक मुख्यमंत्री ने कहा कि आज अटल आवासीय विद्यालय को देशभर में मॉडल के रूप में उभरे हैं। उन्होंने अधिकारियों को इनकी निरंतर मॉनिटरिंग के माध्यम से गुणवत्ता सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। मुख्यमंत्री ने बताया कि निवेश मित्र पोर्टल पर प्राप्त 5,97,625 आवेदनों में से 5,90,881 को एनओसी दी जा चुकी है। शेष शिकायतों का निस्तारण समयबद्ध और पारदर्शी ढंग से सुनिश्चित किया जाए।  

नए गठित जिले मऊगंज में पुलिस विभाग ने कानून व्यवस्था को और मजबूत करने का फैसला किया

मऊगंज  मध्यप्रदेश के नए गठित जिले मऊगंज में पुलिस विभाग ने कानून व्यवस्था को और मजबूत करने का फैसला किया है। जिसके लिए कई पुलिस चौंकियों को थाने में तब्दील करने का प्रस्ताव पुलिस मुख्यालय भेजा गया है। साथ ही कई नई चौकियां भी बनाने का प्रस्ताव है।  दरअसल, मऊगंज के जिला बनने के बाद से यहां पर पुलिस पिटाई कांड, शिखा कांड, गड़रा कांड, देवरा दंगा कांड जैसी कई घटनाएं हो चुकी हैं। जिसके सरकार लॉ एंड ऑर्डर बनाए रखने के लिए कलेक्टर और एसपी की नियुक्ति की है। साथ ही पुलिस मुख्यालय से अतिरिक्त बल भी मांगा गया है। नए थानों और पुलिस चौकियों की स्थापना से अपराधों पर शिकंजा कस सकेगा। इन चौकियों को थाने में तब्दील करने का प्रस्ताव पिपराही, खटखरी, भीर और हाटा पुलिस चौकियों को थानों में तब्दील करने का प्रस्ताव पुलिस मुख्यालय भेजा गया है। साथ ही सीतापुर, बहेराडाबर, जड़कुड, पहाड़ी और बहुती में नई पुलिस चौकियां बनाई जाएंगे। इसके अलावा एसएफ की बटालियन भी मांगी गई है। सीएम मोहन यादव कर सकते हैं बड़ी घोषणाएं सीएम डॉ मोहन यादव मई के अंत में देवतालाब में जनसभा को संबोधित करेंगे। इस दौरान वह थाना, चौकी और बटालियन जैसी कई योजनाओं की घोषणा कर सकते हैं।

48 तालाबों की योजनाओं के लिये 74 करोड़ रूपये की राशि अनुदान के रूप में जारी

भोपाल प्रदेश के शहरी क्षेत्रों के अंतर्गत आने वाली झीलों एवं तालाबों को प्रदूषण मुक्त रखने के लिये नगरीय विकास एवं आवास विभाग द्वारा संरक्षण एवं संवर्धन योजना चलाई जा रही है। योजना में अब तक 41 नगरीय निकायों में 48 तालाबों की योजनाओं के लिये 74 करोड़ रूपये की राशि अनुदान के रूप में जारी की जा चुकी है। योजना में नगरीय क्षेत्रों में झीलों एवं तालाबों की सीमा में होने वाले कटाव को रोकने संबंधी कार्य, झीलों एवं तालाबों के आस-पास बाउंड्रीवॉल बनाने, सघन पौधरोपण, लैम्प और फव्वारों की स्थापना के लिये नगरीय निकायों को राज्य शासन की ओर से अनुदान राशि दी जा रही है। नगरीय निकाय इस अनुदान राशि का उपयोग अपशिष्ट जल को रोकने, ट्रीटमेंट व्यवस्था, झील एवं तालाबों के किनारे सीवर पाईप व्यवस्था के लिये भी उपयोग कर रहे हैं। योजना में नगरीय निकायों को दी जाने वाली अनुदान राशि का प्रतिशत भी निर्धारित किया गया है। नगर निगम को कुल लागत राशि का 60 प्रतिशत, नगर पालिका परिषद को 75 प्रतिशत और नगर परिषद को 90 प्रतिशत राज्य शासन की ओर से अनुदान दिये जाने की व्यवस्था है। अनुदान राशि के अलावा शेष राशि की व्यवस्था संबंधित नगरीय निकायों को स्वयं अपनी इनकम जनरेट करने के निर्देश हैं।  

कर्नल सोफिया-विजय शाह मामले पर सुप्रीम कोर्ट में अगली सुनवाई 19 मई को, शाह के वकील ने अदालत से समय मांगा था

नई दिल्ली सेना की अधिकारी कर्नल सोफिया कुरैशी पर विवादित टिप्पणी के बाद मध्य प्रदेश सरकार के मंत्री कुंवर विजय शाह के खिलाफ हाई कोर्ट ने एफआईआर का आदेश दिया था। विजय शाह ने हाई कोर्ट के आदेश के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर की थी जिस पर शुक्रवार को सुनवाई होनी थी, लेकिन शीर्ष अदालत अब 19 मई को इस पर सुनवाई करेगी। रिपोर्ट के मुताबिक, मंत्री विजय शाह के वकील मनिंदर सिंह ने कुछ अतिरिक्त दस्तावेज दाखिल करने के लिए अदालत से समय मांगा है। इस वजह से अगली सुनवाई के लिए 19 मई की तारीख तय की गई है। कर्नल कुरैशी पर मंत्री विजय शाह ने विवादित टिप्पणी की थी। उनकी टिप्पणी के बाद पूरे देश में उनकी आलोचना हो रही है। विपक्ष उन्हें कैबिनेट से बर्खास्त करने की मांग भी उठा रहा है। पहलगाम आतंकवादी हमले के खिलाफ भारत द्वारा शुरू किए गए ‘ऑपरेशन सिंदूर’ के दौरान कर्नल सोफिया कुरैशी को वायु सेना की विंग कमांडर व्योमिका सिंह के साथ नियमित प्रेस ब्रीफिंग की जिम्मेदारी सौंपी गई थी और इसे उन्होंने बखूबी निभाया। लगातार ब्रीफिंग की वजह से देश में उन्होंने चर्चा बटोरी। उनके खिलाफ दिया गया बयान विजय शाह की असंवेदनशीलता को प्रदर्शित करता है। विजय शाह ने अपने बयान के लिए माफी भी मांगी है। उन्होंने एक वीडियो जारी कर कहा है कि कर्नल कुरैशी उनकी सगी बहन से भी बढ़कर हैं। इस बीच, समाजवादी पार्टी के नेता राम गोपाल यादव ने विंग कमांडर व्योमिका सिंह को लेकर जातिसूचक शब्दों का प्रयोग किया है। उनके खिलाफ भी पूरे देश में आक्रोश है। उधर, मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल में मंत्री विजय शाह को बर्खास्त किए जाने की मांग करते हुए शुक्रवार को कांग्रेस विधायकों ने राज्यपाल मंगू भाई पटेल को एक ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन सौंपने के बाद मंत्री को बर्खास्त करने की मांग करते हुए वे राजभवन के गेट नंबर 2 पर धरने पर बैठ गए। पुलिस ने कांग्रेस विधायकों को समझा-बुझाकर वहां से हटाने की कोशिश की, लेकिन कांग्रेस विधायक नहीं माने। हंगामे के बीच पुलिस ने धरना दे रहे विधायकों को हिरासत में ले लिया।

slot server thailand super gacor

spaceman slot gacor

slot gacor 777

slot gacor

Nexus Slot Engine

bonus new member

olympus

situs slot bet 200

slot gacor

slot qris

link alternatif ceriabet

slot kamboja

slot 10 ribu

https://mediatamanews.com/

slot88 resmi

slot777

https://sandcastlefunco.com/

slot bet 100

situs judi bola

slot depo 10k

slot88

slot 777

spaceman slot pragmatic

slot bonus

slot gacor deposit pulsa

rtp slot pragmatic tertinggi hari ini

slot mahjong gacor

slot deposit 5000 tanpa potongan

mahjong

spaceman slot

https://www.deschutesjunctionpizzagrill.com/

spbo terlengkap

cmd368

368bet

roulette

ibcbet

clickbet88

clickbet88

clickbet88

bonus new member 100

slot777

https://bit.ly/m/clickbet88

https://vir.jp/clickbet88_login

https://heylink.me/daftar_clickbet88

https://lynk.id/clickbet88_slot

clickbet88

clickbet88

https://www.burgermoods.com/online-ordering/

https://www.wastenotrecycledart.com/cubes/

https://dryogipatelpi.com/contact-us/

spaceman slot gacor

ceriabet link alternatif

ceriabet rtp

ceriabet

ceriabet link alternatif

ceriabet link alternatif

ceriabet login

ceriabet login

cmd368

sicbo online live

Ceriabet Login

Ceriabet

Ceriabet

Ceriabet

Ceriabet

casino online

clickbet88

login kudahoki88

Ceriabet

Ceriabet

Ceriabet

slot olympus

sbobet

slot thailand

sbobet