Roads become traffic jams, parking lots become mud zones – administration silent on the plight of Baglamukhi Temple!
संवाददाता चंदा कुशवाहा
नलखेड़ा /आगर मालवा । प्रसिद्ध सिद्धपीठ माँ बगलामुखी मंदिर में देश-प्रदेश से हर दिन सैकड़ों श्रद्धालु दर्शन के लिए पहुँच रहे हैं, लेकिन यहाँ की व्यवस्थाओं का हाल बेहाल है। एक तरफ जहाँ मंदिर पहुँच मार्ग पर बेतरतीब गाड़ियों के कारण दिनभर जाम के हालात बने रहते हैं, वहीं दूसरी तरफ मंदिर की पार्किंग पूरी तरह कीचड़ ज़ोन में तब्दील हो चुकी है। इस पूरी बदहाली पर मंदिर प्रशासन चुप्पी साधे बैठा है।
- गाड़ियाँ फँसीं, श्रद्धालुओं का पैदल चलना भी दूभर
बारिश के कारण पार्किंग की कच्ची ज़मीन दलदल बन चुकी है। गाड़ियों के आने-जाने से गहरे-गहरे गड्ढे बन गए हैं, जिनमें दोपहिया और चार पहिया वाहन फँस रहे हैं। स्थिति यह है कि श्रद्धालुओं को कीचड़ से होकर गुज़रना पड़ रहा है, जिससे कई लोगों की चप्पलें कीचड़ में छूट रही हैं तो कई लोग फिसलकर चोटिल हो रहे हैं। दूर-दराज से आने वाले भक्तों का कहना है कि माँ के दर्शन से पहले ही उन्हें इस भारी फ़जीहत से गुज़रना पड़ रहा है।
जिम्मेदारों को खबर तक नहीं!हैरानी की बात यह है कि मंदिर की पूरी व्यवस्था का जिम्मा संभालने वाले मंदिर सचिव को इस गंभीर समस्या से कोई सरोकार नहीं दिख रहा है। बारिश के मौसम में पार्किंग का यह हाल हर साल होता है, फिर भी समय रहते यहाँ मुरम (गिट्टी) डलवाने या पानी की सही निकासी का कोई इंतज़ाम नहीं किया गया।
- सुध नहीं ली तो हालात होंगे और बदतर
स्थानीय निवासियों और श्रद्धालुओं ने साफ़ कहा है कि प्रशासन तुरंत पार्किंग के कीचड़ वाले हिस्से पर मुरम डलवाए और सड़क पर लगने वाले जाम से निजात दिलाए। अगर समय रहते ध्यान नहीं दिया गया, तो आने वाले दिनों में बारिश तेज़ होने पर यहाँ व्यवस्था पूरी तरह ठप हो जाएगी।









