LATEST NEWS

कैबिनेट मीटिंग में अहम निर्णय: एंटी नार्कोटिक्स टीम से लेकर हाउसिंग बोर्ड कॉलोनियों तक बड़े बदलाव

रायपुर   मुख्यमंत्री विष्णदेव साय की अध्यक्षता में बुधवार 4 फरवरी को मंत्रिमंडल की बैठक की गई. कैबिनेट सदस्यों के बीच कई विषयों पर चर्चा हुई, जिसके बाद अहम मुद्दों पर मुहर लगाई गई. इस बैठक में नशे पर शिकंजा कसने 10 जिलों में एंटी नार्कोटिक्स टीम के गठन किए जाने का फैसला लिया गया है. साथ ही पुलिस मुख्यालय के विशेष शाखा स्पेशल ऑपरेशन ग्रुप (SOG) का गठन होगा, जिसके लिए 44 नए पद स्वीकृत किए गए हैं. साय कैबिनेट की बैठक में लिए गए कई महत्वपूर्ण निर्णय 1. मादक पदार्थाें की रोकथाम की दिशा में बड़ा निर्णय लेते हुए मंत्रिपरिषद की बैठक में प्रदेश के 10 जिलों में जिला स्तरीय एन्टी नारकोटिक्स टॉस्क फोर्स के गठन हेतु वित्तीय वर्ष 2025-26 के मुख्य बजट में प्रावधानित 100 नवीन पदों की स्वीकृति प्रदान की गई. इसमें रायपुर, महासमुंद, बिलासपुर, दुर्ग, बस्तर, सरगुजा, कबीरधाम, जशपुर, राजनांदगांव एवं कोरबा जिला शामिल हैं. 2. मंत्रिपरिषद की बैठक में वित्तीय वर्ष 2025-26 के मुख्य बजट में पुलिस मुख्यालय के विशेष शाखा अंतर्गत एस.ओ.जी. (स्पेशल ऑपरेशन ग्रुप) के गठन के लिए प्रावधानित 44 नवीन पदों की स्वीकृति प्रदान की गई है. एसओजी का काम किसी भी बड़ी या अचानक हुई घटना में तुरंत मौके पर पहुँचकर हालात को संभालना और आतंकी हमला या गंभीर खतरे को जल्दी खत्म करना होता है. एसओजी एक खास तरह की प्रशिक्षित टीम होती है, जिसे ऐसे खतरनाक कामों के लिए तैयार किया जाता है. 3. मंत्रिपरिषद द्वारा राज्य के विभिन्न एयरपोर्ट एवं हवाई पट्टियों में उड़ान प्रशिक्षण संगठन (एफटीओ) की स्थापना का महत्वपूर्ण निर्णय लिया गया तथा इसके संचालन के दिशा-निर्देशों का अनुमोदन किया गया. जिसके तहत छत्तीसगढ़ में पायलट प्रशिक्षण की सुविधा के लिए राज्य में उड़ान प्रशिक्षण संगठन की स्थापना की जाएगी. विमानन क्षेत्र में बढ़ती मांग को देखते हुए और युवाओं को रोजगार उपलब्ध कराने के लिए यह संस्थान उपयोगी होगा. इससे एयरक्राफ्ट रिसाइकिलिंग, हेलीकॉप्टर बंकिंग तथा एयरो स्पोर्ट्स जैसी सुविधाएं विकसित होगी. फ्लाइट ट्रेनिग ऑर्गनाइजेशन की स्थापना निजी सहभागिता से किया जाएगा. 4. मंत्रिपरिषद द्वारा छत्तीसगढ़ नवाचार एवं स्टार्टअप प्रोत्साहन नीति 2025-26 का अनुमोदन किया गया. इस नीति से स्टार्टअप ईको सिस्टम के साथ-साथ इन्क्यूबेटर्स एवं अन्य हितधारकों का विकास होगा. छत्तीसगढ़ को देश में एक प्रमुख नवाचार केन्द्र के रूप में विकसित किया जा सकेगा. भारत सरकार के उद्योग संवर्धन एवं आंतरिक व्यापार विभाग द्वारा जारी स्टेट्स स्टार्टअप रैंकिंग में सुधार होने से राज्य में निवेश का आकर्षण बढ़ेगा. 5. मंत्रिपरिषद द्वारा छत्तीसगढ़ गृह निर्माण मंडल और रायपुर विकास प्राधिकरण द्वारा बनाई गई और पूरी हो चुकी 35 आवासीय कॉलोनियों को नगर निगम और नगर पालिकाओं को सौंपने का निर्णय लिया गया है. इन कॉलोनियों में खुले भू-खंड, उद्यान और अन्य सार्वजनिक सुविधाएं शामिल होंगी. हालांकि, आवासीय, व्यावसायिक और अर्द्धसार्वजनिक बिक्री योग्य संपत्तियां इसमें शामिल नहीं होंगी. अभी इन कॉलोनियों का हस्तांतरण नहीं होने के कारण वहां रहने वाले लोगों को कई मूलभूत सुविधाएं नहीं मिल पा रही हैं. कॉलोनियों के रखरखाव के लिए निवासियों को दोहरा खर्च उठाना पड़ रहा है. एक ओर वे नगर निगम को संपत्ति कर दे रहे हैं, वहीं दूसरी ओर गृह निर्माण मंडल को भी रखरखाव शुल्क देना पड़ता है. इन कॉलोनियों के हस्तांतरण से नगरीय निकायों द्वारा यहां पानी, बिजली, सड़क, सफाई जैसी सुविधाएं दी जा सकेंगी और कॉलोनीवासियों को अतिरिक्त रखरखाव शुल्क से राहत मिलेगी. 6. मंत्रिपरिषद द्वारा नवा रायपुर अटल नगर में शासकीय विभागों तथा निगम मंडल के कार्यालयों के लिए नवा रायपुर अटल नगर विकास प्राधिकरण द्वारा एक वृहद बहुमंजिला भवन बनाने का निर्णय लिया गया है और यहां विभागों को स्पेस आबंटित किया जाएगा, ताकि भूमि का पूर्ण उपयोग किया जा सके. 7. मंत्रिपरिषद द्वारा सिरपुर एवं अरपा क्षेत्र में सुनियोजित विकास और विकास कार्यों को गति देने के लिए संबंधित क्षेत्र में शासकीय भूमि के आबंटन का अधिकार संबंधित जिले के कलेक्टर को प्रदान किया गया है. गौरतलब है कि सिरपुर विशेष क्षेत्र विकास प्राधिकरण एवं अरपा विशेष क्षेत्र विकास प्राधिकरण का उद्देश्य संबंधित नदी तटीय क्षेत्रों का योजनाबद्ध और समग्र विकास करना है. इसके लिए मास्टर प्लान के क्रियान्वयन, भूमि नियोजन एवं नगर विकास योजनाओं को प्रभावी ढंग से लागू किया जाना आवश्यक है. विकास कार्यों को गति देने के लिए शासकीय भूमि का आबंटन जरूरी था. वर्तमान में दोनों प्राधिकरणों की वित्तीय स्थिति को देखते हुए शासकीय भूमि का आबंटन रु. 1/- प्रीमियम एवं भू-भाटक पर किए जाने का निर्णय लिया गया है. साथ ही, भूमि आबंटन के अधिकार संबंधित जिला कलेक्टरों को दिया गया है. 8. मंत्रिपरिषद ने ‘‘छत्तीसगढ़ क्लाउड फर्स्ट नीति‘‘ को प्रदेश में लागू किए जाने की स्वीकृति प्रदान की है. छत्तीसगढ़ क्लाउड फर्स्ट नीति का प्रस्ताव छत्तीसगढ़ शासन के इलेक्ट्रॉनिक्स एवं सूचना प्रौद्योगिकी विभाग द्वारा प्रस्तुत किया गया. छत्तीसगढ़ क्लाउड फर्स्ट नीति के अनुसार राज्य शासन के सभी विभाग, उपक्रम एवं स्वायत्त संस्थाएं केवल भारत सरकार के इलेक्ट्रॉनिक्स एवं सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय द्वारा अनुमोदित क्लाउड सेवा प्रदाताओं या भारत में स्थित सुरक्षित डेटा सेंटर एवं डिजास्टर रिकवरी सेंटर से ही क्लाउड सेवाएं लेंगी. किसी विशेष या असाधारण आवश्यकता के लिए राज्य क्लाउड परिषद से अनुमति लेना अनिवार्य होगा. नीति के तहत कम प्राथमिकता वाले एप्लिकेशन एवं आर्काइव डेटा का क्लाउड माइग्रेशन वर्ष 2027-28 तक तथा उच्च प्राथमिकता सेवाओं का माइग्रेशन 2029-30 तक किया जाएगा. सभी नए एप्लिकेशन क्लाउड-नेटिव तकनीक पर विकसित किए जाएंगे. कैबिनेट ने इस नीति में भविष्य में आवश्यक संशोधन करने के लिए इलेक्ट्रॉनिक्स एवं सूचना प्रौद्योगिकी विभाग को अधिकृत किया है. इस नीति से आईटी ढांचे में लागत में कमी, संचालन में दक्षता, बेहतर साइबर सुरक्षा, आपदा के समय सेवाओं की निरंतरता तथा नागरिक सेवाओं की 24×7 उपलब्धता सुनिश्चित होगी. साथ ही नागरिकों के डेटा की सुरक्षा, पारदर्शिता और ट्रैकिंग व्यवस्था और अधिक मजबूत होगी. 9. मंत्रिपरिषद द्वारा छत्तीसगढ़ राज्य में डिजिटल अवसंरचना को विस्तार देने के लिए मोबाइल टावर योजना का अनुमोदन किया गया है. भौगोलिक विषमता और वामपंथी उग्रवाद प्रभावित क्षेत्रों में मोबाइल कनेक्टिविटी सीमित होने से शासन की योजनाओं का प्रभावी क्रियान्वयन बाधित हो रहा है. इस योजना से मोबाइल टावर स्थापना हेतु चयनित सेवा प्रदाताओं को अनुमति और प्रशासनिक स्वीकृतियों की प्रक्रिया को सरल और समयबद्ध किया जाएगा. मोबाइल टावर योजना के अंतर्गत चयनित मोबाइल नेटवर्क विहीन बसाहटों … Read more

लंबित देयों का मानवीय व न्यायसंगत समाधान सुनिश्चित करें: मुख्यमंत्री

लंबित आवास मामलों के निस्तारण हेतु ‘एकमुश्त समाधान योजना’ लागू करें: मुख्यमंत्री सभी पात्र आवंटियों तक ओटीएस योजना की जानकारी पहुंचे, मुख्यमंत्री ने व्यापक प्रचार-प्रसार के निर्देश दिए लंबित देयों का मानवीय व न्यायसंगत समाधान सुनिश्चित करें: मुख्यमंत्री डिफॉल्टर मामलों के निस्तारण में गति लाएं, प्रक्रिया को पूरी तरह यूजर-फ्रेंडली बनाएं: मुख्यमंत्री लखनऊ मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बुधवार को आवास एवं शहरी नियोजन विभाग की बैठक में लंबित आवासीय और व्यावसायिक आवंटनों के त्वरित निस्तारण के लिए एक नई ‘एकमुश्त समाधान योजना (ओटीएस-2026)’ लागू करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि वर्षों से लंबित देयों और विवादित मामलों के कारण न केवल योजनाओं की प्रगति प्रभावित होती है, बल्कि आम नागरिकों को भी अनावश्यक परेशानी का सामना करना पड़ता है। सरकार का उद्देश्य ऐसी व्यवस्था लागू करना है, जिसमें समाधान तेज, पारदर्शी और सभी के लिए व्यावहारिक हो। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश की किसी भी योजना में लंबित भुगतान या विवादित आवंटन राज्य की विकास गति को धीमा करते हैं। इसलिए आवास विभाग को ऐसी समाधान-प्रधान व्यवस्था लागू करनी चाहिए, जिससे विभाग को आवश्यक राजस्व प्राप्त हो और आवंटियों को भी राहत मिले। उन्होंने कहा कि यह योजना जन-केंद्रित होनी चाहिए, जिसमें हर वास्तविक आवंटी को स्पष्ट और सरल विकल्प उपलब्ध हों। बैठक में बताया गया कि वर्ष 2020 में लागू की गई ओटीएस-2020 योजना से बड़ी संख्या में मामलों का निस्तारण हुआ था, लेकिन कोविड-19 के कारण कई आवंटी अंतिम भुगतान नहीं कर पाए। विभाग द्वारा प्रस्तुत आंकड़ों में प्रदेश के विभिन्न आवासीय और व्यावसायिक परिसरों में मौजूद ऐसे सभी डिफॉल्ट मामलों का विस्तृत विवरण प्रस्तुत किया गया। मुख्यमंत्री ने कहा कि ओटीएस-2026 योजना को अधिक व्यावहारिक और लाभकारी स्वरूप दिया जाए। एकमुश्त भुगतान करने वाले आवंटियों को देयों पर उपयुक्त छूट दी जाए। साथ ही, किस्तों में भुगतान की सुविधा हो। उन्होंने कहा कि योजना के प्रावधानों को अंतिम रूप देते समय यह ध्यान रहे कि योजना के मूल में आम आदमी को राहत देने का ही भाव निहित हो। मुख्यमंत्री ने कहा कि यह सुनिश्चित किया जाए कि विभाग द्वारा प्रत्येक आवेदन का निस्तारण निर्धारित समयसीमा में कर दिया जाए।  मुख्यमंत्री ने कहा कि नई योजना लागू होने से हजारों आवंटियों को राहत मिलेगी और विभाग को राजस्व भी प्राप्त होगा।  मुख्यमंत्री ने विभाग को निर्देश दिया कि योजना के व्यापक प्रचार-प्रसार की विशेष व्यवस्था की जाए, ताकि अधिक से अधिक लोग इससे अवगत हो सकें। उन्होंने कहा, ‘एकमुश्त समाधान योजना’ के बारे में आम जनता के बीच सक्रिय रूप से जानकारी पहुंचाई जाए, ताकि सभी पात्र लोग इसका लाभ प्राप्त कर सकें। उन्होंने यह भी कहा कि योजना की संपूर्ण प्रक्रिया ऑनलाइन, पारदर्शी और उपयोगकर्ता-अनुकूल होनी चाहिए।

ग्वालियर में कारों की ठगी का खुलासा, युवक ने 1.5 करोड़ की 17 कारें बनाई पुलिस के हाथों निशाना

ग्वालियर  ग्वालियर क्राइम ब्रांच ने विभागों में लग्जरी वाहनों के अटैचमेंट के नाम पर फर्जी एग्रीमेंट कर कारें हायर करके हड़पने वाले 23 वर्षीय जालसाज को गिरफ्तार किया है। आरोपी बीए पास है और दो साल पहले तक टिफिन सेंटर चलाता था। इसके बाद उसने विभागों में गाड़ियों का अटैचमेंट कराने के नाम पर ठगी शुरू की। आरोपी अभय भदौरिया खुद को अवंटेक्स इन्फ्रा प्राइवेट लिमिटेड में मैनेजर बताकर लोगों पर इंप्रेशन डालता था। फर्जी दस्तावेज बनाकर कंपनियों और विभागों के नाम पर लग्जरी कार हायर करने के बाद वह इन्हें दो से पांच लाख रुपए में गिरवी रख देता था। इसके लिए वह फेक मालिक बनाकर दस्तावेज तैयार करता था। एक 7 सीटर कार का वह 85 हजार रुपए तक किराया देता था। इस तरह अब तक उसने 50 से अधिक कारें ठगने की कोशिश की। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर 17 कारें बरामद की हैं। कारों का किराया नहीं दिया तो पता चली ठगी शहर के शताब्दीपुरम फेस-1 निवासी भास्कर शर्मा ने सोमवार क्राइम ब्रांच में शिकायत दर्ज कराई थी। भास्कर अपने ट्रेवल एजेंसी श्री मधुवन जी ट्रेवल्स के माध्यम से अन्य लोगों को वाहन सेवाएं देते हैं। उनके अनुसार, अभय भदौरिया ने खुद को अवंटेक्स इन्फ्रा प्राइवेट लिमिटेड में मैनेजर बताकर उन्हें 7 सीटर कार के बदले 85 हजार रुपए और 5 सीटर कार के बदले 50 हजार रुपए देने का लालच दिया। भास्कर ने आरोपी को 19 कारें किराए पर दी, लेकिन अभय ने कारें सर्विस पर नहीं भेजीं और किराया भी नहीं दिया। जब भास्कर ने कंपनी में जाकर सत्यापित किया, तो पता चला कि अभय भदौरिया नाम का कोई भी व्यक्ति वहां काम नहीं करता है। बाद में भास्कर को पता हुआ कि अभय ने फर्जी दस्तावेज तैयार कर उनकी कारें अन्य व्यक्तियों को गिरवी रखवा दी हैं। काफी दबाव डालने पर आरोपी ने कुछ कारें वापस की। इसी तरह रघुवीर रजक ने भी 20 कारें ठगे जाने की शिकायत की। पुलिस ने 1.5 करोड़ की कारें बरामद की है। पुलिस ने 1.5 करोड़ की कारें बरामद की है। 24 घंटे में गिरफ्तारी, 17 कारें बरामद मामला दर्ज होने के बाद क्राइम ब्रांच ने आरोपी की लोकेशन और मोबाइल ट्रैकिंग के आधार पर उसे गिरफ्तार किया। पुलिस मंगलवार को घटना का खुलासा किया। पहले आरोपी ने अपनी कहानी जारी रखी, लेकिन ट्रेवल एजेंसी के संचालक को सामने खड़े करने पर वह चुप हो गया। पुलिस ने जीपीएस ट्रैकिंग के माध्यम से 17 कारें बरामद की, जिनकी कीमत लगभग 1.5 करोड़ रुपए बताई गई है। आरोपी ने कुल 39 कारें ठगी का दावा किया है, पुलिस को संदेह है कि 50 से अधिक कारों से उसने ठगी की है।     भास्कर शर्मा की कारें: मारूति अर्टिगा, टाटा अल्ट्रोज, मारूति सियाज, टोयोटा अर्बन क्रूजर, महिंद्रा बोलेरो, मारूति स्विफ्ट, महिंद्रा स्कॉर्पियो – कुल 8 वाहन     रघुवीर रजक की कारें: मारूति स्विफ्ट, रेनॉल्ट ट्रायवर, मारूति अर्टिगा, महिंद्रा बोलेरो – कुल 7 वाहन     कुल बरामद वाहन: 15, कीमत लगभग 1.5 करोड़ रुपए कार का मालिक बताने वालों पर भी होगी कार्रवाई एसएसपी ग्वालियर धर्मवीर सिंह ने बताया कि जिन लोगों ने कारें गिरवी रखीं, वे भी एक तरह से पीड़ित हैं। उनके साथ भी ठगी हुई है। कुछ लोगों ने खुद को कार का मालिक बताया था। उनके दस्तावेज जुटाकर उन पर भी कार्रवाई की जाएगी।

गद्दाफी के परिवार पर जारी त्रासदी: बेटे सैफ अल-इस्लाम की लीबिया में मौत

गद्दाफी लीबिया के पूर्व शासक मुअम्मर गद्दाफी का बेटा सैफ अल-इस्लाम गद्दाफी, मंगलवार को एक हमले में मारा गया। समाचार एजेंसी शिन्हुआ ने उनकी टीम के एक बयान का हवाला देते हुए बताया कि मुअम्मर गद्दाफी के बेटे की मंगलवार को पश्चिमी लीबिया में हत्या कर दी गई। रिपोर्ट्स के मुताबिक सैफ अल-इस्लाम के घर में घुस आए चार अज्ञात बंदूकधारियों के साथ उनकी सीधी मुठभेड़ हुई और इस दौरान उनकी मौत हो गई। गद्दाफी के करीबी नेता अब्दुल्ला ओथमान अब्दुर्रहीम ने फेसबुक पर इस घटना की पुष्टि करते हुए कहा कि चार नकाबपोश बंदूकधारियों ने दोपहर में जिंटान शहर में गद्दाफी के आवास पर धावा बोल दिया। हमलावरों ने कथित तौर पर मुठभेड़ से पहले सीसीटीवी कैमरों को क्षतिग्रस्त कर दिया, जिससे हमलावरों की पहचान पता नहीं चल पाई। वहीं सैफ अल-इस्लाम की मौके पर ही मौत हो गई। घटना को लेकर ज्यादा जानकारी फिलहाल सामने नहीं आ पाई है। सैफ की टीम ने लीबियाई कोर्ट और अंतर्राष्ट्रीय समुदाय से हमले की जांच करने, अपराधियों की पहचान करने और इस ऑपरेशन की योजना बनाने वालों को जवाबदेह ठहराने की अपील की है। कौन थे सैफ अल-इस्लाम गद्दाफी? लीबिया में 2011 में नाटो समर्थित विद्रोह के बाद भी सैफ यहां एक अहम नेता बने रहे। बता दें कि इस विद्रोह में उनके पिता मुअम्मर गद्दाफी मारे गए थे। गद्दाफी ने चार दशकों से अधिक समय तक लीबिया में राज किया था। सैफ ने लंदन स्कूल ऑफ इकोनॉमिक्स से पढ़ाई पूरी की थी और उन्हें कभी कई सरकारों द्वारा लीबिया का स्वीकार्य, पश्चिमी-अनुकूल चेहरा माना जाता था। कोई आधिकारिक पद ना होने के बावजूद, सैफ अल-इस्लाम को एक समय मेरा तेल समृद्ध उत्तरी अफ्रीकी देश में अपने पिता मुअम्मर गद्दाफी के बाद सबसे शक्तिशाली व्यक्ति माना जाता था।रिपोर्ट्स के मुताबिक सैफ अल-इस्लाम ने कई उच्च-स्तरीय, संवेदनशील राजनयिक मिशनों में मध्यस्थता की। उन्होंने पश्चिम के साथ संबंध बनाए और खुद को एक सुधारक के रूप में पेश किया। साथ ही सैफ ने संविधान और मानवाधिकारों के सम्मान का भी आह्वान किया। हालांकि जब 2011 में गद्दाफी के लंबे शासन के खिलाफ विद्रोह हुआ, तो सैफ अल-इस्लाम ने अपनी दोस्ती के बजाय परिवार और कबीले की वफादारी को चुना और विद्रोहियों पर क्रूर कार्रवाई का मास्टरमाइंड बन गया। 2015 में, त्रिपोली की एक अदालत ने सैफ अल-इस्लाम को युद्ध अपराधों के लिए फायरिंग स्क्वाड द्वारा मौत की सजा सुनाई। इसके बाद 2017 में एक माफी कानून के तहत मिलिशिया द्वारा रिहा किए जाने के बाद से, सैफ अल-इस्लाम गद्दाफी अंडरग्राउंड होकर जिंटान में रह रहे थे।

JEE Main Answer Key 2026 जारी, jeemain.nta.nic.in पर करें चेक; 13 लाख अभ्यर्थियों की प्रतीक्षा खत्म

नई दिल्ली JEE Main Answer Key 2026 OUT, jeemain.nta.nic.in : एनटीए यानी नेशनल टेस्टिंग एजेंसी ने बुधवार को इंजीनियरिंग प्रवेश परीक्षा जेईई मेन सेशन 1 की आंसर-की जारी कर दी। परीक्षार्थी जेईई मेन आधिकारिक वेबसाइट jeemain.nta.nic.in पर जाकर आंसर-की चेक व डाउनलोड कर सकते हैं। जेईई मेन की प्रोविजनल आंसर-की पर 6 फरवरी, 2026 तक आपत्ति दर्ज कराई जा सकती है। आंसर-की के साथ रिस्पॉन्स शीट भी आई है जिसे देखकर अभ्यर्थी अपने उत्तरों का मिलान कर सकते हैं। किसी प्रश्न के उत्तर पर आपत्ति होने पर उम्मीदवार प्रति सवाल 200 रुपये के हिसाब से ऑब्जेक्शन दर्ज करा सकेंगे। सब्जेक्ट एक्सपर्ट्स सभी चैलेंज की जांच करेंगे और उसके आधार पर फाइनल आंसर की जारी होगी। फाइनल आंसर की के आधार पर परिणाम जारी होगा। आपको बता दें कि इस बार जेईई मेन 2026 सेशन 1 के लिए कुल 1350969 अभ्यर्थी पंजीकृत थे। इसमें से 1300368 यानी 96.26 फीसदी ने एग्जाम दिया था। जेईई मेन सेशन 1 की परीक्षा 21, 22, 23, 24, 28 और 29 जनवरी, 2026 को हुई थी। पहले चार दिनों में पेपर 1 की परीक्षा दो शिफ्ट में हुई थी – पहली शिफ्ट सुबह 9 बजे से दोपहर 12 बजे तक और दूसरी शिफ्ट दोपहर 3 बजे से शाम 6 बजे तक। पेपर 2 की परीक्षा आखिरी तारीख को एक ही शिफ्ट में हुई थी – सुबह 9 बजे से दोपहर 12.30 बजे तक। JEE Mains 2026 Session 1 Answer Key Direct Link जेईई मेन में दो पेपर होते हैं। पेपर 1 एनआईटी, आईआईआईटी, अन्य केंद्र सरकार से फंडेड टेक्निकल इंस्टीट्यूशंस (CFTIs) और हिस्सा लेने वाली राज्य सरकारों द्वारा फंडेड/मान्यता प्राप्त इंस्टीट्यूशंस/यूनिवर्सिटीज में अंडरग्रेजुएट इंजीनियरिंग प्रोग्राम में एडमिशन के लिए होता है। जेईई मेन जेईई एडवांस्ड के लिए एलिजिबिलिटी टेस्ट भी है, जो आईआईटी में एडमिशन के लिए होता है। जेईई मेन पेपर 2 बीआर्क व बी प्लानिंग कोर्स में एडमिशन के लिए होता है। जेईई मेन 2026 सेशन 2 के लिए रजिस्ट्रेशन शुरू, 25 फरवरी तक करें आवेदन नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) ने JEE Main 2026 सेशन 2 (अप्रैल सत्र) के लिए ऑनलाइन आवेदन की प्रक्रिया 1 फरवरी 2026 से शुरू कर दी है। जो छात्र इंजीनियरिंग, आर्किटेक्चर या प्लानिंग कोर्सेज में एडमिशन लेना चाहते हैं, वे आधिकारिक वेबसाइट jeemain.nta.nic.in पर जाकर आवेदन कर सकते हैं। महत्वपूर्ण तारीखें और समय अपरैल सत्र की परीक्षा उन छात्रों के लिए एक और सुनहरा मौका है जो जनवरी सत्र में बेहतर प्रदर्शन नहीं कर पाए या जो पहली बार परीक्षा में बैठ रहे हैं। रजिस्ट्रेशन शुरू: 1 फरवरी 2026 आवेदन की अंतिम तिथि: 25 फरवरी 2026 (रात 9:00 बजे तक) शुल्क भुगतान की अंतिम तिथि: 25 फरवरी 2026 (रात 11:50 बजे तक) परीक्षा की तारीखें: 1 अप्रैल से 10 अप्रैल 2026 (संभावित: 2 से 9 अप्रैल) एडमिट कार्ड: परीक्षा से 3 दिन पहले जारी होंगे। सीटों का गणित इस वर्ष देशभर की आईआईटी, एनआईटी व आईआईआईटी की साढ़े 62 हजार से ज्यादा इंजीनियरिंग सीटों के लिए लगभग 13 लाख विद्यार्थियों के परीक्षा में शामिल होने की संभावना है। आईआईटी में 18160, एनआईटी में 24525, ट्रिपल आईटी में 9940 और जीएफटीआई में 10228 सीटें उपलब्ध हैं। जेईई मेन से IIT तक का रास्ता जेईई मेन परीक्षाएं खत्म होने के बाद दोनों सत्रों के बेस्ट एनटीए स्कोर के आधार पर स्टूडेंट्स की रैंक जारी की जाएगी। जेईई मेन परिणाम में पहले 2,50,000 रैंक हासिल करने वाले उम्मीदवार जेईई एडवांस टेस्ट के लिए आवेदन करने के पात्र होंगे। जेईई एडवांस के जरिए आईआईटी में दाखिला मिलता है। आईआईटी एंट्रेंस जेईई एडवांस्ड भी वही दे सकेगा जिसके 12वीं में कम से कम 75 फीसदी मार्क्स होंगे। या फिर संबंधित बोर्ड एग्जाम में टॉप 20 परसेंटाइल उम्मीदवारों में से एक होंगे।

शक्तियों का प्रयोग करने शशिकांत द्विवेदी प्राधिकृत, राज्य सहकारी बोर्ड में मनोनयन

रायपुर. राज्य सहकारी विपणन संघ मर्यादित बोर्ड की शक्तियों का प्रयोग करने शशिकांत द्विवेदी को प्राधिकृत किया गया है, जारी आदेश में लिखा है, छत्तीसगढ़ सहकारी सोसाइटी अधिनियम 1960 की धारा 49 ( 8 ) तथा छत्तीसगढ़ सहकारी सोसाइटी नियम 1962 के नियम 43-ख के उपनियम (3) के प्रावधानों के अन्तर्गत गठित छानबीन समिति की बैठक दिनांक 03/02/2026 में छत्तीसगढ़ राज्य सहकारी विपणन संघ मर्यादित, रायपुर के बोर्ड की शक्तियों का प्रयोग करने के लिए शशिकांत द्विवेदी को प्राधिकृत किए जाने की अनुशंसा की गयी है। छानबीन समिति की अनुशंसा के परिप्रेक्ष्य में छत्तीसगढ़ सहकारी सोसाइटी अधिनियम 1960 की धारा 49 ( 8 ) के तहत् अन्य आगामी आदेश तक के लिए छत्तीसगढ़ राज्य सहकारी विपणन संघ मर्यादित, रायपुर के बोर्ड की शक्तियों का प्रयोग करने हेतु शशिकांत द्विवेदी को प्राधिकृत किया जाता है। यह आदेश आज दिनांक 03/02/2026 को मेरे हस्ताक्षर एवं कार्यालयीन पदमुद्रा से जारी किया गया ।

परीक्षा के समय समाज और परिवार की सामूहिक जिम्मेदारी

परीक्षा के समय समाज और परिवार की सामूहिक जिम्मेदारी  वाराणसी परीक्षा केवल प्रश्नपत्र और उत्तरपुस्तिका के बीच घटित होने वाली एक शैक्षणिक प्रक्रिया नहीं है। यह एक ऐसा समय होता है जब किसी विद्यार्थी का मन, उसका आत्मविश्वास, उसका पारिवारिक परिवेश और पूरा सामाजिक वातावरण—सब मिलकर उसके भविष्य की दिशा तय करते हैं। परीक्षा के दिनों में बच्चे अकेले परीक्षार्थी नहीं होते; सच तो यह है कि उस अवधि में पूरा परिवार और समाज, प्रत्यक्ष या अप्रत्यक्ष रूप से, परीक्षार्थी बन जाता है। आज जब बोर्ड परीक्षाएँ समीप आती हैं, तो समाज में अचानक एक विशेष प्रकार की हलचल दिखाई देने लगती है। जगह-जगह मोटिवेशनल भाषण, लंबे-चौड़े वक्तव्य, सोशल मीडिया पर उपदेशात्मक संदेश, सफलता के किस्से और असफलता से डराने वाले उदाहरण—सब कुछ एक साथ बच्चों पर बरसने लगता है। मंशा भले ही अच्छी हो, पर प्रश्न यह है कि क्या यही वह सहयोग है जिसकी एक परीक्षार्थी को सबसे अधिक आवश्यकता होती है? परीक्षार्थी को इस समय सबसे अधिक आवश्यकता होती है—शांति, स्थिरता और अनुकूलता की। विषयवस्तु की तैयारी जितनी महत्त्वपूर्ण है, उतना ही महत्त्वपूर्ण वह मानसिक और भावनात्मक परिवेश है जिसमें वह तैयारी की जा रही है। ज्ञान तभी फलित होता है जब मन शांत हो, जब वातावरण सहयोगी हो और जब परीक्षार्थी स्वयं को सुरक्षित महसूस करे। अक्सर यह देखा जाता है कि परीक्षा के समय घर का वातावरण अनजाने में ही तनावपूर्ण बना दिया जाता है। छोटी-छोटी बातों पर चर्चा, पारिवारिक समस्याओं का अनावश्यक विस्तार, रिश्तों के तनाव, भविष्य को लेकर आशंकाएँ—ये सब बातें उस मन पर अतिरिक्त बोझ डाल देती हैं, जो पहले ही परीक्षा की जिम्मेदारी से भरा होता है। बच्चे इन बातों को व्यक्त नहीं कर पाते, पर भीतर ही भीतर उनका मन विचलित होता चला जाता है। यह समझना अत्यंत आवश्यक है कि परीक्षा के दौरान परीक्षार्थी से अधिक अपेक्षा नहीं, बल्कि अधिक समझ की आवश्यकता होती है। उसे बार-बार यह याद दिलाना कि यह परीक्षा जीवन का निर्णायक मोड़ है, उसे और अधिक दबाव में डाल देता है। वास्तव में, परीक्षार्थी स्वयं इस तथ्य से परिचित होता है; उसे इसकी पुनरावृत्ति नहीं, बल्कि भरोसे की ज़रूरत होती है। परीक्षा के समय समाज और परिवार को कुछ समय के लिए स्वयं परीक्षार्थी बनने की आवश्यकता होती है। इसका अर्थ यह नहीं कि वे किताबें खोलकर पढ़ने लगें, बल्कि यह कि वे परीक्षार्थी की संवेदनाओं को पढ़ें। वे यह समझने का प्रयास करें कि इस समय कौन-सी बात उसे सशक्त बनाएगी और कौन-सी उसे कमजोर कर देगी। एक सकारात्मक परीक्षा-परिवेश वही होता है जहाँ अनावश्यक हस्तक्षेप न हो। जहाँ बच्चे को अपनी दिनचर्या तय करने की स्वतंत्रता मिले। जहाँ उसकी नींद, भोजन और एकांत का सम्मान किया जाए। जहाँ उससे यह अपेक्षा न की जाए कि वह हर समय प्रसन्न दिखाई दे या हर प्रश्न का उत्तर दे। कई बार परीक्षार्थी को परीक्षा देने के लिए रिश्तेदारों या परिचितों के यहाँ जाना पड़ता है। ऐसे में वहाँ उपस्थित लोगों का व्यवहार अत्यंत संवेदनशील होना चाहिए। जिज्ञासावश पूछे गए प्रश्न—“तैयारी कैसी है?”, “इस बार कितने प्रतिशत आएँगे?”—अक्सर मन पर अनावश्यक दबाव बना देते हैं। उस समय सबसे बड़ा सहयोग यह होता है कि परीक्षार्थी को सामान्य, सहज और स्वाभाविक वातावरण दिया जाए। यह भी देखा गया है कि कई अत्यंत प्रतिभाशाली विद्यार्थी केवल इसलिए अपेक्षित प्रदर्शन नहीं कर पाते क्योंकि परीक्षा के दौरान उनका पारिवारिक या सामाजिक परिवेश असंतुलित रहा। विषय की समझ और परिश्रम के बावजूद, मन की अस्थिरता उनकी क्षमता को सीमित कर देती है। यह एक गंभीर सामाजिक प्रश्न है, जिस पर सामूहिक चिंतन आवश्यक है। परीक्षा के समय जीवन की अन्य समस्याओं को परीक्षार्थी से यथासंभव दूर रखना चाहिए। जीवन में समस्याएँ हमेशा रहेंगी—यह जीवन का स्वभाव है। पर परीक्षा के कुछ सप्ताह ऐसे होते हैं, जब समाज और परिवार को यह जिम्मेदारी लेनी चाहिए कि वे उन समस्याओं का भार परीक्षार्थी के कंधों पर न डालें। एक संतुलित परिवार वही है जो परीक्षा के समय विवादों को स्थगित करना जानता है। जहाँ यह समझ हो कि अभी प्राथमिकता क्या है। जहाँ सहयोग शब्दों से नहीं, व्यवहार से दिखाई दे। समाज की भूमिका भी कम महत्त्वपूर्ण नहीं है। शिक्षक, पड़ोसी, रिश्तेदार, मित्र—सभी को यह समझना चाहिए कि उनका एक छोटा सा वाक्य भी परीक्षार्थी के मन पर गहरा प्रभाव डाल सकता है। सकारात्मक ऊर्जा वही नहीं होती जो ऊँचे स्वर में प्रेरणा देती है, बल्कि वह भी होती है जो मौन में सुरक्षा का एहसास कराती है। परीक्षा के दौरान समाज को एक सामूहिक सकारात्मक वातावरण का निर्माण करना चाहिए—जहाँ तुलना न हो, उपहास न हो, डर न हो। जहाँ सफलता को सम्मान मिले और असफलता को स्वीकार्यता। यह भी आवश्यक है कि परीक्षार्थी को यह महसूस कराया जाए कि उसका मूल्य केवल परीक्षा परिणाम से निर्धारित नहीं होता। परीक्षा जीवन का एक चरण है, सम्पूर्ण जीवन नहीं। यह भाव यदि ईमानदारी से व्यवहार में उतारा जाए, तो परीक्षार्थी का आत्मविश्वास स्वतः सुदृढ़ होता है। परीक्षा के समय परिवार और समाज का दायित्व केवल समर्थन देना नहीं, बल्कि सही समय पर चुप रहना भी है। यह मौन कई बार सबसे बड़ा सहयोग बन जाता है। यदि हम वास्तव में चाहते हैं कि हमारे बच्चे सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करें, तो हमें उनके लिए एक ऐसा वातावरण बनाना होगा जहाँ वे स्वयं को बोझ नहीं, बल्कि भरोसे से घिरा हुआ महसूस करें। अंततः परीक्षा एक व्यक्तिगत प्रयास है, पर उसकी सफलता सामूहिक संवेदनशीलता पर निर्भर करती है। जिस दिन समाज और परिवार यह समझ लेंगे कि परीक्षा के समय उन्हें भी परीक्षार्थी बनना है—उस दिन न केवल परिणाम बेहतर होंगे, बल्कि हमारी शिक्षा व्यवस्था अधिक मानवीय और संवेदनशील बन सकेगी। लेखक  डॉ० सदानन्द गुप्ता अपर जिलाधिकारी (वित्त एवं राजस्व) वाराणसी

उत्तर प्रदेश पुलिस भर्ती एवं प्रोन्नति बोर्ड की आधिकारिक वेबसाइट पर जारी होगी परीक्षा से जुड़ी सभी जानकारी व निर्देश

उत्तर प्रदेश पुलिस सिपाही भर्ती परीक्षा की तारीख घोषित, 8 से 10 जून तक होगी लिखित परीक्षा प्रदेश में कुल 32,679 पदों के लिए तीन दिन होगी लिखित परीक्षा, दो पालियों में होगा आयोजन उत्तर प्रदेश पुलिस भर्ती एवं प्रोन्नति बोर्ड की आधिकारिक वेबसाइट पर जारी होगी परीक्षा से जुड़ी सभी जानकारी व निर्देश लखनऊ  उत्तर प्रदेश पुलिस में बतौर सिपाही भर्ती होने की तैयारी कर रहे युवाओं के लिए बड़ी खबर है। योगी सरकार ने आरक्षी नागरिक पुलिस एवं समकक्ष पदों पर सीधी भर्ती-2025 के तहत होने वाली लिखित परीक्षा की तारीखें घोषित कर दी हैं। उत्तर प्रदेश पुलिस भर्ती एवं प्रोन्नति बोर्ड (UPPBPB) की ओर से मंगलवार को जारी सूचना के अनुसार सिपाही भर्ती-2025 की लिखित परीक्षा 8 जून (सोमवार), 9 जून (मंगलवार) और 10 जून (बुधवार) को आयोजित की जाएगी। यह परीक्षा तीनों दिनों में दो-दो पालियों में कराई जाएगी। इस भर्ती प्रक्रिया के माध्यम से कुल 32,679 पदों को भरा जाएगा। सिपाही भर्ती परीक्षा से संबंधित अन्य जानकारी, परीक्षा केंद्र, एडमिट कार्ड एवं दिशा-निर्देश उत्तर प्रदेश पुलिस भर्ती एवं प्रोन्नति बोर्ड की आधिकारिक वेबसाइट पर जारी किए जाएंगे। अभ्यर्थियों के लिए बड़ी राहत बना योगी सरकार का फैसला उल्लेखनीय है कि उत्तर प्रदेश में पुलिस भर्ती की तैयारी कर रहे लाखों युवाओं को योगी आदित्यनाथ सरकार ने वर्तमान सिपाही भर्ती प्रक्रिया में बड़ी राहत दी है। अभ्यर्थियों के हितों को प्राथमिकता देते हुए मुख्यमंत्री के निर्देश पर पुलिस में आरक्षी नागरिक पुलिस एवं समकक्ष पदों पर प्रस्तावित सीधी भर्ती-2025 के लिए अधिकतम आयु सीमा में एकमुश्त तीन वर्ष का शिथिलीकरण प्रदान किया गया है। सरकार द्वारा यह निर्णय उत्तर प्रदेश लोक सेवा (भर्ती के लिए आयु सीमा का शिथिलीकरण) नियमावली-1992 के नियम-3 के आलोक में लिया गया। यह फैसला 31 दिसंबर 2025 को जारी भर्ती विज्ञप्ति के अनुक्रम में 5 जनवरी 2026 को जारी शासनादेश के माध्यम से लागू किया गया, जिससे बड़ी संख्या में ऐसे अभ्यर्थियों को अवसर मिलने का मार्ग प्रशस्त हुआ जो आयु सीमा के कारण अब तक भर्ती प्रक्रिया से बाहर हो रहे थे। उल्लेखनीय है कि उत्तर प्रदेश पुलिस भर्ती एवं प्रोन्नति बोर्ड द्वारा वर्ष 2024 में प्रदेश में कांस्टेबल के कुल 60,244 पदों पर भर्तियां की गई थीं। यह प्रदेश सरकार की अब तक की सबसे बड़ी भर्ती थी। भर्ती प्रक्रिया के अंतर्गत चयनित सभी पदों में से 20 प्रतिशत पद महिलाओं के लिए आरक्षित रखते हुए उन्हें नियुक्ति प्रदान की गई है।

RCB के लिए बड़ी घोषणा: बिक्री प्रक्रिया शुरू, डियाजियो की ओर से वैल्यूएशन और दस्तावेज़ प्रस्तुत

बेंगलुरु रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु की बिक्री से जुड़ी चर्चाएं अब अटकलों से आगे बढ़कर अमल के चरण में पहुंच चुकी हैं। टीम के मालिक डायजियो ने आधिकारिक तौर पर RCB को बेचने की प्रक्रिया शुरू कर दी है और संभावित खरीदारों को सूचना दस्तावेज भेजे जा चुके हैं। यह अब तक का सबसे स्पष्ट संकेत है कि IPL की सबसे कीमती फ्रेंचाइज़ियों में से एक बाजार में उपलब्ध है। इस पूरे घटनाक्रम की जानकारी स्पोर्टिको ने दी है, जो खेल कारोबार से जुड़ा प्रतिष्ठित जर्नल है। प्रक्रिया से जुड़े एक सूत्र के अनुसार, डायजियो ने अपनी भारतीय इकाई यूनाइटेड स्पिरिट्स के जरिए RCB से संबंधित दस्तावेज संभावित निवेशकों को भेजे हैं। भले ही बाध्यकारी बोली की समयसीमा तय होने में अभी वक्त लगे, लेकिन यह साफ हो गया है कि पिछले साल के अंत में शुरू की गई समीक्षा अब सक्रिय बिक्री प्रक्रिया में बदल चुकी है। यहां यह समझना जरूरी है कि जिन दस्तावेजों को भेजा गया है, उन्हें कंफिडेंशियल इंफॉर्मेशन मेमोरेंडम कहा जाता है। यह किसी भी कंपनी या संपत्ति को बेचने के लिए इस्तेमाल किया जाने वाला मुख्य दस्तावेज होता है, जिसमें 30 से 150 पन्नों तक की विस्तृत जानकारी शामिल रहती है, ताकि खरीदार व्यवसाय का सही मूल्यांकन कर सकें और शुरुआती प्रस्ताव दे सकें। रिपोर्ट्स के मुताबिक, IPL 2025 का खिताब जीतने और जबरदस्त व्यावसायिक मजबूती के बाद RCB की वैल्यूएशन करीब दो अरब डॉलर आंकी जा रही है, जो भारतीय मुद्रा में लगभग 18 हजार करोड़ रुपये से ज्यादा बैठती है। RCB के साथ विराट कोहली जुड़े हैं, जिन्हें भारत का सबसे बड़ा और सबसे प्रभावशाली क्रिकेट ब्रांड माना जाता है। यूनाइटेड स्पिरिट्स ने इस सौदे के लिए सिटीग्रुप को अपना सलाहकार नियुक्त किया है। इस डील में प्राइवेट इक्विटी फर्मों, बड़े निवेशकों और हाई नेटवर्थ इंडिविजुअल्स की रुचि दिखने की उम्मीद है। माना जा रहा है कि पूरी प्रक्रिया मार्च के अंत तक पूरी हो सकती है। IPL 2026 का सीजन 26 मार्च से शुरू होना है और डायजियो की कोशिश है कि उससे पहले भारत में अपनी सबसे बड़ी संपत्ति की बिक्री पूरी कर ली जाए। RCB की बिक्री में सेलिब्रिटी और बड़े निवेशकों की दिलचस्पी RCB की संभावित बिक्री ने देश के कई बड़े नामों का ध्यान खींचा है। सीरम इंस्टीट्यूट ऑफ इंडिया के सीईओ अदार पूनावाला ने पहले सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर लिखा था कि वह फ्रेंचाइज़ी के लिए एक मजबूत और प्रतिस्पर्धी बोली लगाएंगे। हालांकि, अब तक यह साफ नहीं है कि उन्होंने औपचारिक प्रस्ताव दिया है या नहीं। इसके अलावा बॉलीवुड अभिनेता अनुष्का शर्मा और रणबीर कपूर के नाम भी निवेशकों के समूह से जुड़ी चर्चाओं में सामने आए हैं। रिपोर्ट्स के अनुसार, अनुष्का शर्मा करीब तीन प्रतिशत हिस्सेदारी में रुचि दिखा रही हैं, जिसकी अनुमानित कीमत लगभग 400 करोड़ रुपये बताई जा रही है। वहीं रणबीर कपूर की दिलचस्पी करीब दो प्रतिशत हिस्सेदारी को लेकर है। यह दोनों निवेश ब्रांड से जुड़ाव की रणनीति के अनुरूप माने जा रहे हैं। रणबीर कपूर पहले ही ISL क्लब मुंबई सिटी एफसी में निवेशक रह चुके हैं। हालांकि, यहां हितों के टकराव का सवाल भी उठता है। वर्ष 2007 में बीसीसीआई ने खिलाड़ियों को किसी भी IPL टीम में हिस्सेदारी खरीदने से रोक दिया था। विराट कोहली RCB की पहचान माने जाते हैं, ऐसे में उनके लिए सीधे तौर पर मालिकाना हक लेना संभव नहीं हो सकता। लेकिन इस स्थिति में उनकी पत्नी के जरिए निवेश का रास्ता खुल सकता है। अगर ये रिपोर्ट्स सही साबित होती हैं, तो कोहली परिवार के लिए कुछ कानूनी और तकनीकी प्रक्रियाएं अपनाई जा सकती हैं। डायजियो RCB क्यों बेच रहा है और खरीदार क्या सोच रहे हैं अब सवाल उठता है कि डायजियो आखिर RCB को क्यों बेच रहा है। इसकी वजह व्यावसायिक प्राथमिकताएं बताई जा रही हैं। यूनाइटेड स्पिरिट्स ने नवंबर में सेबी को जानकारी दी थी कि RCB को एक नॉन-कोर एसेट के रूप में देखा जा रहा है, जो कंपनी के अल्कोहल और बेवरेज कारोबार से अलग है। इसके अलावा, पिछले साल बेंगलुरु के एम चिन्नास्वामी स्टेडियम में RCB की खिताबी जीत के जश्न के दौरान मची भगदड़ ने भी कंपनी को चिंता में डाल दिया था। इस घटना में कई लोगों की मौत हुई थी, जिससे डायजियो को अपनी छवि को नुकसान पहुंचने और संभावित कानूनी परेशानियों का अंदेशा हुआ। इन्हीं कारणों को देखते हुए कंपनी अब RCB से बाहर निकलने का रास्ता तलाश रही है।

शहजाद पूनावाला की मां पर हमला, CCTV वीडियो से खुला मामला—जानबूझकर कार चढ़ाई गई

नई दिल्ली भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय प्रवक्ता शहजाद पूनावाला की मां हादसे का शिकार हो गईं हैं। पूनावाला ने आरोप लगाए हैं कि उनकी मां को जानबूझकर कार से टक्कर मारी गई थी। उन्होंने पुलिस से तत्काल कार्रवाई की मांग की है। वहीं, राजनीतिक विश्लेषक तहसीन पूनावाला ने घटना का वीडियो भी शेयर किया है, जिसमें उनकी मां को एक सफेद कार टक्कर मारती हुई नजर आ रही है। पूनावाला ने लिखा, ‘कुछ घंटे पहले एक बेहद घृणित इंसान ने जानबूझकर मेरी मां पर अपनी कार चलाई – जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गईं और फिर वह भाग गया। माताजी की बहुत जल्द एक सर्जरी करानी पड़ेगा। कृपया उनके लिए प्रार्थना करें।’ उन्होंने लिखा, ‘मेरी मां सबसे दयालु और सबसे अच्छे इंसानों में से एक हैं और इस उम्र में उनके साथ यह होना मुझे अंदर तक कचोट रहा है।’ उन्होंने पुणे पुलिस के साथ पोस्ट में महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस को भी टैग किया है। उन्होंने लिखा, ‘आशा है कि पुणे पुलिस उस व्यक्ति को त्वरित गिरफ़्तार कर यह सुनिश्चित करेगी कि उसे उचित सजा मिले।’ घटना का वीडियो शहजाद पूनावाला के भाई और राजनीतिक विश्लेषक तहसीन पूनावाला ने लिखा, ‘ये सब क्या हो रहा है? मेरी मां सीनियर सिटिजन हैं, जो मेरे ड्राइवर और एग्जीक्यूटिव असिस्टेंट के साथ गईं थीं और जब वो लोग गैस भरवा रहे थे, तब वह पास में ही खड़ी इंतजार कर रहीं थीं। तब किसी ने उन्हें टक्कर मारी (जानबूझकर लग रहा है) और भाग गया।’ उन्होंने एक्स रे भी एक्स पर शेयर किया है। उन्होंने लिखा कि उनकी कूल्हे की हड्डी टूट गई है और उन्हें अस्पताल में भर्ती कराना पड़ा। उन्होंने भी पुणे पुलिस से आरोपी के खिलाफ जल्द कार्रवाई की मांग की है। उन्होंने लिखा, ‘जानबूझकर किया गया या नशे में किया गया। ये जांच में सामने आ जाएगा। पर दुख होता है कि सीनियर सिटिजन मां को इस दर्द से गुजरना पड़ा।’

भाजपा कार्यालय मंडला में श्रद्धा एवं सम्मान के साथ मनाई गई संत रविदास जयंती

भाजपा कार्यालय मंडला में श्रद्धा एवं सम्मान के साथ मनाई गई संत रविदास जयंती   मंडला भारतीय जनता पार्टी जिला मुख्यालय में रविवार महान संत, समाज सुधारक एवं समता के प्रणेता संत शिरोमणि गुरु रविदास जी की जयंती श्रद्धा और सम्मान के साथ मनाई गई। कार्यक्रम में प्रदेश की कैबिनेट मंत्री श्रीमती संपतिया उईके एवं भाजपा जिला अध्यक्ष श्री प्रफुल्ल मिश्रा की गरिमामयी उपस्थिति रही। इस अवसर पर अतिथियों एवं कार्यकर्ताओं द्वारा संत रविदास जी के तैल्य चित्र पर माल्यार्पण एवं पुष्प अर्पित कर उन्हें नमन किया गया। कार्यक्रम में पार्टी पदाधिकारी, जनप्रतिनिधि एवं कार्यकर्ता बड़ी संख्या में उपस्थित रहे। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कैबिनेट मंत्री श्रीमती संपतिया उईके ने कहा कि संत रविदास जी ने अपने विचारों और कृत्यों से समाज को समानता, बंधुत्व और मानवता का मार्ग दिखाया। उनका जीवन हमें जाति, भेदभाव और असमानता से ऊपर उठकर एक समरस समाज के निर्माण की प्रेरणा देता है। प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में केंद्र सरकार और प्रदेश सरकार संत रविदास जी के विचारों को धरातल पर उतारने के लिए निरंतर कार्य कर रही है। वहीं भाजपा जिला अध्यक्ष श्री प्रफुल्ल मिश्रा ने कहा कि संत रविदास जी का जीवन समाज के वंचित, शोषित और पिछड़े वर्गों के लिए आशा की किरण है। भारतीय जनता पार्टी उनके विचारों से प्रेरणा लेकर ‘सबका साथ, सबका विकास, सबका विश्वास’ के संकल्प के साथ कार्य कर रही है। आज की युवा पीढ़ी को संत रविदास जी के आदर्शों को अपनाकर सामाजिक समरसता को मजबूत करना चाहिए। कार्यक्रम के अंत में उपस्थित सभी कार्यकर्ताओं ने संत रविदास जी के बताए मार्ग पर चलने एवं समाज में समरसता, समानता और सद्भाव को मजबूत करने का संकल्प लिया। इस दौरान जिला पंचायत अध्यक्ष डॉ संजय कुशराम, नगर अध्यक्ष रानू राजपूत, किसान मोर्चा अध्यक्ष श्री उमेश शुक्ला, वरिष्ठ कार्यकर्ता विनय मिश्रा, सुधीर कसार, मंडल अध्यक्ष ललित लोधी, शशि पटेल, अंशुमाली शुक्ला,सौरभ गुप्ता, मयंक विश्वकर्मा, बसंत चौधरी, दिनेश चौधरी, सचिन शर्मा,उमा यादव, बबीता अधिकारी, ज्योति मलिक,रितु भांगरे,नरेश सिंधिया, सावन चौरसिया,सत्यम मिश्रा, अंकित चौरसिया,विकास यादव, सुदीप चौरसिया,कैलाश जैन, सुरेंद्र क्षत्री ऋषभ सिन्हा सहित भाजपा कार्यकर्तागण उपस्थिति रहे ।

साप्ताहिक जनसुनवाई: कलेक्टर ने सुनी जनता की शिकायतें, तुरंत समाधान के दिए निर्देश

कलेक्टर ने सुनीं आमजन की समस्याएं, त्वरित निराकरण के दिए निर्देश साप्ताहिक जनसुनवाई में 90 आवेदनों पर सुनवाई   डिंडौरी    जिला मुख्यालय पर आयोजित साप्ताहिक जनसुनवाई में आज बड़ी संख्या में ग्रामीण अपनी समस्याओं और मांगों को लेकर पहुंचे। कलेक्टर ने एक-एक कर आवेदकों से मुलाकात की और उनकी शिकायतों के निराकरण के लिए संबंधित विभाग के अधिकारियों को कड़े निर्देश दिए।            कलेक्ट्रेट सभागार में  आयोजित साप्ताहिक जनसुनवाई में आम नागरिकों की समस्याएं सुनी गईं तथा कई आवेदनों का मौके पर ही समाधान कराया गया। जनसुनवाई में जिले के विभिन्न विकासखंडों से आए नागरिकों द्वारा समस्याओं एवं शिकायतों से संबंधित कुल 90 आवेदन प्रस्तुत किए गए। जिन मामलों का तत्काल निराकरण संभव नहीं हो सका, उनमें आवेदकों को समय-सीमा निर्धारित कर आवश्यक आश्वासन प्रदान किया गया।         जनसुनवाई के दौरान ग्राम पंचायत पोंड़ी माल विकासखंड डिंडौरी की आवेदिका श्रीमती अंधियारो बाई धुर्वे (आयु 70 वर्ष) एवं श्री गनपत सिंह (आयु 75 वर्ष) द्वारा विगत 10 माह से पेंशन राशि प्राप्त नहीं होने की शिकायत प्रस्तुत की गई। प्रकरण को गंभीरता से लेते हुए अपर कलेक्टर ने संबंधित अधिकारी को तत्काल निराकरण के निर्देश दिए।      कलेक्टर के निर्देश पर सामाजिक न्याय विभाग द्वारा दोनों हितग्राहियों की ई-केवायसी की गई, जिससे आगामी माह से उनके खाते में पेंशन राशि का नियमित भुगतान सुनिश्चित हो सकेगा।       इसी क्रम में ग्राम बहेरा टोला, ग्राम पंचायत माधोपुर विकासखंड डिंडौरी के आवेदक श्री इन्द्रपाल सिंह (आयु 82 वर्ष) एवं श्रीमती उर्मिला बाई (आयु 78 वर्ष) ने भी वृद्धावस्था पेंशन न मिलने की समस्या जनसुनवाई में रखी। जांच में पाया गया कि ई-केवायसी पूर्ण न होने के कारण उनकी पेंशन बंद थी। अपर कलेक्टर के निर्देशानुसार पुनः ई-केवायसी की गई, जिससे आगामी माह से पेंशन भुगतान पुनः प्रारंभ हो जाएगा। इसी प्रकार ग्राम ईश्वरपुर बंगवार ग्राम पंचायत दामी तितराही जनपद पंचायत समनापुर के श्री प्रेमलाल झिगराम ने जनसुनवाई में आवेदन दिया कि मेरे पुत्र पवन कुमार झिगराम की मृत्यु  28 सितंबर 2025 को हुआ है जिसका ग्राम पंचायत के द्वारा मृत्यु प्रमाण पत्र जारी नहीं किया गया है। उक्त मृत्यु प्रमाण पत्र जारी कराने हेतु जनसुनवाई में पहुंचे जहां पर अपर कलेक्टर ने योजना एवं सांख्यिकी विभाग के श्री अभिषेक बंसल को निराकरण करने के लिए निर्देशित किया जिस पर उन्होंने समस्या को गंभीरता से लेते हुए एक घंटे के अंदर मृत्यु प्रमाण पत्र संबंधित हितग्राही को जनसुनवाई के दौरान सौंपा गया।         अपर कलेक्टर ने जिले के समस्त हितग्राहियों से अपील की है कि यदि किसी भी व्यक्ति की पेंशन राशि बंद हो गई है अथवा इस प्रकार की कोई समस्या है, तो वे अपने ग्राम पंचायत के सचिव, रोजगार सहायक, मोबिलाइज़र अथवा संबंधित जनपद पंचायत कार्यालय में संपर्क कर समस्या का समाधान करा सकते हैं, जिससे जिला मुख्यालय आने में समय व परेशानी से बचा जा सके।          जनसुनवाई में आउटसोर्स कर्मचारियों का मानदेय भुगतान न होने पर उन्होंने जनसुनवाई में गुहार लगाई है कि ’ओम पारस मेन पावर सर्विस’ लिमिटेड, भोपाल के माध्यम से जिले के विभिन्न सामुदायिक और प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों में कार्यरत आउटसोर्स कर्मचारियों ने आवेदन सौंपा। डाटा एंट्री ऑपरेटर, वार्डवॉय और सिक्योरिटी गार्ड सहित अन्य कर्मचारियों ने बताया कि उन्हें नवंबर, दिसंबर और जनवरी माह का मानदेय अभी तक प्राप्त नहीं हुआ है। कर्मचारियों ने अपर कलेक्टर से मांग की है कि उनके मानदेय भुगतान के लिए एक निश्चित समय सीमा निर्धारित की जाए। जिस पर अपर कलेक्टर ने संबंधित विभाग को समस्या का निराकरण करने के निर्देश दिए तथा अपर कलेक्टर के द्वारा लिखित आवेदन भी कंपनी को मानदेय भुगतान  हेतु प्रेषित किया जाए। इसी तरह ग्राम मुंगेला विकासखंड समनापुर के अंतर्गत ग्राम पंचायत बंजरा के सरपंच और ग्रामीणों ने सामुहिक रूप से लिखित आवेदन के साथ प्राथमिक शाला के जर्जर भवन की स्थिति की शिकायत की। बच्चों को स्कूल में अध्ययन में समस्या आ रहीं है। ग्रामीणों ने नए भवन निर्माण की मांग की। जिस पर अपर कलेक्टर ने समस्या को गंभीरता से लेते हुए डीपीसी, सर्व शिक्षा अभियान अधिकारी को निराकरण करने के निर्देश दिए।      ग्राम मोहगांव माल निवासी आवेदक ने अपने पिता की मृत्यु के उपरांत प्रधानमंत्री सुरक्षा बीमा योजना के तहत लंबित क्लेम राशि के भुगतान हेतु आवेदन दिया। जिस पर कलेक्टर ने संबंधित विभागीय अधिकारी को समस्या का निराकरण करने के निर्देश दिए।       कलेक्ट्रेट कार्यालय में आयोजित इस जनसुनवाई के दौरान अधिकारियों को निर्देशित किया गया कि वे प्राप्त आवेदनों की गंभीरता से जांच करें और समय सीमा के भीतर हितग्राहियों को लाभ दिलाना सुनिश्चित करें।     जनसुनवाई के दौरान अतिरिक्त सीईओ जिला पंचायत  पंकज जैन, एसडीएम डिंडौरी सुश्री भारती मेरावी, डिप्टी कलेक्टर  वैद्यनाथ वासनिक, डिप्टी कलेक्टर सुश्री प्रियांशी जैन, सहायक आयुक्त जनजाति कार्य विभाग श्री राजेन्द्र जाटव, एलडीएम  रविशंकर सहित अन्य संबंधित अधिकारी कर्मचारी उपस्थित रहे।

भारत में फिलिस्तीन स्टिकर विवाद: ब्रिटिश कपल पर एजेंसियों का अलर्ट, तुरंत निकाला गया देश से

अजमेर राजस्थान के अजमेर में सार्वजनिक स्थलों पर इजरायल के खिलाफ और फिलिस्तीन के समर्थन में स्टिकर चिपकाने के मामले में एक ब्रिटिश दंपति के खिलाफ कार्रवाई करते हुए भारतीय अधिकारियों ने उन्हें देश छोड़ने के निर्देश दिए हैं। खुफिया एजेंसियों ने इसे गंभीर मामला मानते हुए जिला पुलिस को सतर्क किया, जिसके बाद दोनों विदेशी नागरिकों से पूछताछ की गई। जानकारी के अनुसार, लुईस गैब्रियल डी. अपनी गर्लफ्रेंड अनुशी एम्मा क्रिस्टीन के साथ पर्यटक वीजा पर भारत आए थे और वे पुष्कर में ठहरे हुए थे। 21 जनवरी को खुफिया विभाग को सूचना मिली कि यह दंपति अजमेर के विभिन्न सार्वजनिक स्थानों पर राजनीतिक प्रकृति के स्टिकर चिपका रहा है। इसके बाद खुफिया विभाग ने सीसीटीवी फुटेज और स्थानीय सूचनाओं की समीक्षा कर दोनों की पहचान की। मामले की गंभीरता को देखते हुए जिला पुलिस को शामिल किया गया। अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (सीआईडी) राजेश मीणा के नेतृत्व में गठित टीम ने दोनों संदिग्धों से पूछताछ की। पूछताछ में सामने आया कि उन्होंने पर्यटक वीजा की शर्तों का उल्लंघन करते हुए राजनीतिक गतिविधियों में भाग लिया, जो वीजा नियमों के तहत प्रतिबंधित है। पुलिस की मदद से सार्वजनिक स्थानों से सभी स्टिकर हटा दिए गए। इसके बाद आव्रजन और विदेशियों से जुड़े कानूनों के तहत कार्रवाई करते हुए दोनों विदेशी नागरिकों के वीजा रद्द कर दिए गए और उन्हें ‘लीव इंडिया नोटिस’ जारी किया गया, जिसमें देश छोड़ने का निर्देश दिया गया है। अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि ऐसे मामलों में विदेशी नागरिकों को हिरासत में लिया जा सकता है, उनके खिलाफ निर्वासन की प्रक्रिया शुरू हो सकती है और उन्हें ब्लैकलिस्ट भी किया जा सकता है, जिससे भविष्य में भारत में प्रवेश पर रोक लग सकती है। प्रशासन ने दो टूक कहा है कि पर्यटक वीज़ा पर भारत आए किसी भी विदेशी को राजनीतिक, विरोध प्रदर्शन या वैचारिक गतिविधियों की अनुमति नहीं है।

भ्रष्ट ठेकेदार का कारनामा उजागर, विधायक ने गुणवत्ताहीन निर्माण को तुड़वाया

सीतापुर. भाजपा विधायक रामकुमार टोप्पो कुछ दिनों से एक अलग अंदाज में नजर आ रहे हैं। विधायक रामकुमार टोप्पो ने अपने क्षेत्र में जारी विकास कार्यों में लापरवाही बरतने वाले और भ्रष्टाचार करने वालों के खिलाफ सख्त रुख अपनाया हुआ है। विधायक टोप्पो मंगलवार को मैनपाट ब्लॉक के दौरे पर पहुंचे थे। इस दौरान गुणवत्ताहीन निर्माण कार्य पाए जाने पर विधायक ने तत्काल उसे तुड़वाया और दोबारा निर्माण करने का आदेश जारी किया। इस दौरान विधायक टोप्पो ने सख्त रवैया अपनाते हुए कहा कि, निर्माण कार्यों में किसी भी प्रकार का भ्रष्टाचार बर्दाश्त नहीं किया जाएगा, क्योंकि यह सीधे तौर पर क्षेत्र के विकास से जुड़ा मामला है। आपकी जानकारी के लिए बता दें कि, अपने क्षेत्र में चल रहे विकास कार्यों का जायजा लेने के लिए विधायक रामकुमार टोप्पो ग्राम ग्राम करमहा पहुंचे। इस दौरान उन्होंने सड़क किनारे चल रहे रिटर्निंग वॉल के निर्माण का निरीक्षण किया और रिटर्निंग वॉल की बारीकी से जांच की। दीवार के निर्माण में गुणवत्ता की कमी और घटिया सामग्री का उपयोग देखकर विधायक आक्रोशित हो गए। विधायक रामकुमार टोप्पो ने निरीक्षण के दौरान ही अधिकारियों को इस निर्माण कार्य को पूरी तरह तोड़कर नए सिरे से मानक स्तर पर बनाने का निर्देश दे दिया। रिटर्निंग वॉल के निरीक्षण के बाद विधायक टोप्पो ग्राम करमहा में ही सड़क पर बने एक नवनिर्मित पुल का निरीक्षण पहुंचे। इस दौरान उन्हें वहाँ भी खामियां नजर आई। विधायक रामकुमार टोप्पो ने पुल को भी तत्काल प्रभाव से तोड़कर दोबारा बनाने के निर्देश अधिकारियों को दिए। विधायक टोप्पो के इस अवतार को देखे क्षेत्र के ठेकेदारों और संबंधित अधिकारियों में हड़कंप मच गया है।  

एमपी का सफर प्रभावित, घने कोहरे से विजिबिलिटी कम, 12+ ट्रेनें लेट और शाजापुर में हादसे में जान गई

भोपाल  मध्य प्रदेश में ओले और बारिश का दौर थमने के बाद बुधवार सुबह घने कोहरे ने जनजीवन को प्रभावित कर दिया। ग्वालियर में दृश्यता 50 मीटर से भी कम दर्ज की गई। कोहरे के कारण दिल्ली से भोपाल, इंदौर और उज्जैन आने वाली एक दर्जन से ज्यादा ट्रेनें देरी से चल रही है।  बुधवार सुबह ग्वालियर के अलावा दतिया, रीवा, रतलाम, उज्जैन, दमोह, नौगांव, सीधी, भोपाल, इंदौर, राजगढ़, खजुराहो, गुना, छिंदवाड़ा, जबलपुर, मंडला, सागर, टीकमगढ़, मलाजखंड, शाजापुर, छतरपुर, विदिशा, आगर-मालवा, सीहोर, भिंड और मुरैना समेत कई जिलों में मध्यम से घने कोहरे का असर देखने को मिला। कुछ इलाकों में विजिबिलिटी बेहद कम होने से सड़क और रेल यातायात प्रभावित हुआ। राजगढ़ सबसे ठंडा, न्यूनतम तापमान 8.8 डिग्री सेल्सियस कोहरे के कारण शाजापुर जिले के अकोदिया-शुजालपुर स्टेट हाईवे पर कार और बाइक की भिड़ंत हो गई, जिसमें एक युवक की मौत हो गई। वहीं विदिशा में सुबह हल्की बूंदाबांदी भी दर्ज की गई। उत्तरी मध्य प्रदेश में कोहरे के साथ सर्द हवाएं चल रही हैं, हालांकि रात के तापमान में ज्यादा गिरावट नहीं आई है। प्रदेश में राजगढ़ सबसे ठंडा रहा, जहां न्यूनतम तापमान 8.8 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। बड़े शहरों की बात करें तो भोपाल और इंदौर में न्यूनतम तापमान 14 डिग्री, ग्वालियर में 13.1, उज्जैन में 14 और जबलपुर में 14.8 डिग्री सेल्सियस रहा। अन्य जिलों में पारा 10 से 16 डिग्री के बीच दर्ज किया गया है। मौसम विभाग के अनुसार ग्वालियर में विजिबिलिटी 50 मीटर से भी कम, दतिया और रीवा में 50 से 200 मीटर, जबकि भोपाल, इंदौर और राजगढ़ में एक किलोमीटर से ज्यादा रही। रेल यातायात पर पड़े असर के चलते पंजाब मेल 3 घंटे, शताब्दी एक्सप्रेस करीब 3 घंटे, कर्नाटक एक्सप्रेस 4 घंटे से अधिक और मालवा एक्सप्रेस 8 घंटे 15 मिनट की देरी से चल रही है।

slot server thailand super gacor

spaceman slot gacor

slot gacor 777

slot gacor

Nexus Slot Engine

bonus new member

olympus

situs slot bet 200

slot gacor

slot qris

link alternatif ceriabet

slot kamboja

slot 10 ribu

https://mediatamanews.com/

slot88 resmi

slot777

https://sandcastlefunco.com/

slot bet 100

situs judi bola

slot depo 10k

slot88

slot 777

spaceman slot pragmatic

slot bonus

slot gacor deposit pulsa

rtp slot pragmatic tertinggi hari ini

slot mahjong gacor

slot deposit 5000 tanpa potongan

mahjong

spaceman slot

https://www.deschutesjunctionpizzagrill.com/

spbo terlengkap

cmd368

368bet

roulette

ibcbet

clickbet88

clickbet88

clickbet88

bonus new member 100

slot777

https://bit.ly/m/clickbet88

https://vir.jp/clickbet88_login

https://heylink.me/daftar_clickbet88

https://lynk.id/clickbet88_slot

clickbet88

clickbet88

https://www.burgermoods.com/online-ordering/

https://www.wastenotrecycledart.com/cubes/

https://dryogipatelpi.com/contact-us/

spaceman slot gacor

ceriabet link alternatif

ceriabet rtp

ceriabet

ceriabet link alternatif

ceriabet link alternatif

ceriabet login

ceriabet login

cmd368

sicbo online live

Ceriabet Login

Ceriabet

Ceriabet

Ceriabet

Ceriabet

casino online

clickbet88

login kudahoki88

Ceriabet

Ceriabet

Ceriabet

slot olympus

sbobet

slot thailand

sbobet