LATEST NEWS

महाराष्ट्र चुनाव के दौरान उम्मीदवार बालासाहेब शिंदे की मौत, मतदान केंद्र पर मची अफरातफरी

महाराष्ट्र बीड विधानसभा क्षेत्र के निर्दलीय उम्मीदवार बालासाहेब शिंदे की मतदान केंद्र पर दिल का दौरा पड़ने से मौत हो गई। इस घटना के बाद मतदान केंद्र पर अफरातफरी का माहौल बन गया। तुरंत ही शिंदे को पास के अस्पताल में ले जाया गया, लेकिन डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। चुनाव आयोग के अधिकारियों के अनुसार, शिंदे के निधन के बाद अब बीड विधानसभा चुनाव के बारे में आगे का निर्णय लिया जाएगा। लोक प्रतिनिधित्व कानून (Representation of Peoples Act 1951) के अनुसार, अगर चुनाव के दौरान किसी उम्मीदवार की मौत हो जाती है तो उस सीट पर मतदान को स्थगित किया जा सकता है।

मौसम में काफी बदलाव के चलते लोगों की सेहत पर पड़ रहा बुरा असर, अधिकांश बच्चे निमोनिया से पीड़ित

पंजाबा पश्चिमी विक्षोभ के कारण जहां मौसम में काफी बदलाव देखने को मिल रहा है, वहीं लोगों की सेहत पर भी इसका बुरा असर पड़ रहा है। मौसम में तेजी से बदलाव और सुबह-शाम खराब हवा और ठंड के कारण लोगों को खांसी, जुकाम, गले में खराश और दर्द जैसी समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है। घुटनों के दर्द और पहले से मौजूद सांस की बीमारी वाले बुजुर्गों में इसका असर देखा जा रहा है। अधिकांश बच्चे निमोनिया से पीड़ित हैं। पिछले एक सप्ताह से आ रहे मरीजों में मौसमी बीमारियों के लक्षण सबसे ज्यादा देखने को मिल रहे हैं। मौसम में तेजी से आए बदलाव का असर लोगों की सेहत पर काफी असर पड़ रहा है। दिवाली पर पटाखों के धुएं और पराली के धुएं से अस्थमा के मरीजों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ा और अब सर्दी शुरू होने के साथ ही वायरल सर्दी, खांसी और बुखार के मरीजों की संख्या भी बढ़ गई है। मौसमी बीमारियों से पीड़ित मरीजों की संख्या रोजाना 500 से बढ़कर 700 हो गई है। इसमें 90 से 100 मरीज वायरल बुखार से पीड़ित हैं और अधिकतर मरीज जोड़ों के दर्द और तेज बुखार से पीड़ित हैं। इसके अलावा 30-40 लोग अस्थमा की शिकायत लेकर आ रहे हैं। उन मरीजों की उम्र 50 साल से ज्यादा है। छोटे बच्चों में सर्दी, सामान्य खांसी और वायरल निमोनिया के 15 से 20 मामले सामने आ रहे हैं। डॉ. विशाल ने बताया कि बदलते मौसम में संक्रमण, बैक्टीरिया और वायरस का खतरा बढ़ जाता है। इसके साथ ही कमजोर रोग प्रतिरोधक क्षमता वाले मरीजों में बीमारियों का खतरा अधिक रहता है। ऐसे में बच्चों का ख्याल रखना बहुत जरूरी है।. वायरल के मौसम में बच्चों में वायरल निमोनिया का खतरा बढ़ जाता है। पहले यह संख्या 2 से 5 थी लेकिन अब यह संख्या 12 से बढ़कर 20 हो गई है।

मतदान के दौरान शरद पवार की पार्टी के नेता माधव जाधव पर हमला हुआ, वोटिंग स्थल पर तोड़फोड़

महाराष्ट्र परली विधानसभा क्षेत्र में चुनावी माहौल के बीच हिंसा भड़क गई है। रिपोर्ट्स के अनुसार, परली के बैंक कॉलोनी क्षेत्र में शरद पवार की पार्टी के नेता माधव जाधव पर हमला हुआ। इस घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ, जिसके बाद जाधव के समर्थकों द्वारा गहटनंदूर के एक मतदान केंद्र पर तोड़फोड़ की गई। गौरतलब है कि इस विधानसभा क्षेत्र से अजित पवार के नेतृत्व वाली एनसीपी से मंत्री धनंजय मुंडे भी चुनावी दौड़ में हैं। मतदान अधिकारियों ने बताया कि चंद बदमाशों ने घाटनंदूर मतदान केंद्र में घुस गए, फर्नीचर को नुकसान पहुंचाया और ईवीएम को फर्श पर फेंक दिया। बीड कलेक्टर अविनाश पाठक ने पुष्टि की कि मतदान फिर से शुरू करने के लिए अलग ईवीएम स्थापित किए गए थे, जबकि यह आश्वासन दिया गया था कि पहले डाले गए वोट गिनती के प्रयोजनों के लिए नियंत्रण इकाइयों में सुरक्षित रहेंगे। परली से एनसीपी (शरद पवार) उम्मीदवार राजेसाहेब देशमुख ने धर्मपुरी मतदान केंद्र पर बंद सीसीटीवी कैमरे के बारे में चिंता जताई। एक वीडियो में देशमुख को खराब कैमरे के बारे में मतदान कर्मचारियों से बात करते हुए दिखाया गया है। बाद में उन्होंने आरोप लगाया कि अल्पसंख्यक समुदायों को मतदान में बाधा का सामना करना पड़ा और दावा किया कि अनधिकृत व्यक्ति ईवीएम का संचालन कर रहे थे। परली में इस बार अजित पवार गुट और शरद पवार गुट के बीच सीधी टक्कर है। अजित पवार गुट से मंत्री धनंजय मुंडे चुनावी मैदान में हैं, जबकि शरद पवार गुट से राजासाहेब देशमुख मुकाबले में हैं। धनंजय मुंडे ने इस घटना पर तीखी प्रतिक्रिया देते हुए चुनाव आयोग से तत्काल कार्रवाई की मांग की। उन्होंने कहा कि “दहशत और गुंडागर्दी के जरिए परली की बदनामी करने वालों पर सख्त कार्रवाई होनी चाहिए।”

पाकिस्तान आत्मघाती हमले से फिर दहला, 24 घंटे में 18 सैनिकों की मौत, दहशत में आम लोग

पेशावर पड़ोसी देश पाकिस्तान एक बार फिर आत्मघाती हमलों से दहल उठा है। वहां के उत्तर-पश्चिमी खैबर पख्तूनख्वा प्रांत में एक आत्मघाती हमलावर ने विस्फोटकों से लदे वाहन को संयुक्त जांच चौकी से टकरा दिया, जिससे 12 सुरक्षाकर्मी मारे गए। सेना ने बुधवार को यह जानकारी देते हुए बताया कि इसके बाद हुई मुठभेड़ में छह आतंकवादियों को ढेर कर दिया गया है। पाक सेना की मीडिया शाखा इंटर-सर्विसेज पब्लिक रिलेशंस (ISPR) ने कहा कि आतंकवादियों ने मंगलवार देर रात बन्नू जिले के मालीखेल क्षेत्र में एक संयुक्त जांच चौकी पर हमला करने की कोशिश की, लेकिन सुरक्षा बलों ने चौकी में घुसने के उनके प्रयास को प्रभावी ढंग से विफल कर दिया। मिडिया रिपोर्ट में कहा गया है कि आतंकियों के आत्मघाती विस्फोट के कारण दीवार का एक हिस्सा ढह गया और आसपास के बुनियादी ढांचे को नुकसान पहुंचा, जिसके कारण सुरक्षा बलों के 10 सैनिकों और फ्रंटियर कांस्टेबुलरी के दो जवान सहित 12 सुरक्षाकर्मियों की मौत हो गई। फौज ने कहा कि इसके बाद हुई गोलीबारी में छह आतंकवादी भी मारे गए। घायलों को स्थानीय अस्पताल में भर्ती कराया गया है। हाफ़िज़ गुल बहादुर सशस्त्र समूह ने हमले की जिम्मेदारी ली है। पिछले 24 घंटे में अब तक 18 सैनिकों की मौत से पाकिस्तान में हड़कंप मच गया है। लगातार हो रहे हमलों से लोगों में दहशत का माहौल है। यह हमला ऐसे वक्त में हुआ है जब एक दिन पहले ही देश के नागरिक और सैन्य नेतृत्व ने मंगलवार को बलूचिस्तान में आतंकवादी संगठनों के खिलाफ “व्यापक सैन्य अभियान” को मंजूरी दी है। सुरक्षा बलों और कानून प्रवर्तन एजेंसियों ने कहा कि वे आतंकवाद के खतरे को खत्म करने के लिए दृढ़ हैं। पूरे देश में, खासकर बलूचिस्तान और खैबर पख्तूनख्वा प्रांतों में, पिछले वर्ष आतंकवाद से संबंधित घटनाओं में तीव्र वृद्धि देखी गई है। जिस बन्नू जिले में यह वारदात हुई है, वहां हाल ही में उग्रवादी और आतंकी हिंसा में वृद्धि देखी गई है। इसमें पुलिसकर्मियों का अपहरण, लड़कियों के स्कूल पर हमला और गोलीबारी शामिल है । एक प्रेस विज्ञप्ति में, इंटर-सर्विसेज पब्लिक रिलेशंस ने कहा कि 19 नवंबर (मंगलवार) को, “ख्वारिज ने बन्नू जिले के सामान्य क्षेत्र मालीखेल में एक संयुक्त चेकपोस्ट पर हमला करने का प्रयास किया”। जुलाई में, पाक सरकार ने प्रतिबंधित आतंकी संगठन तहरीक-ए-तालिबान पाकिस्तान (टीटीपी) को फ़ितना अल ख़वारिज नाम दिया था, और सभी संस्थाओं को पाकिस्तान पर आतंकवादी हमलों का उल्लेख करते समय ख़ारिजी (बहिष्कृत) शब्द का उपयोग करने का आदेश दिया। ISPR के बयान में कहा गया है कि पुलिस चौकी में घुसने के प्रयास को हमारे अपने सैनिकों ने विफल कर दिया, जिसके कारण ख़्वारिज ने विस्फोटकों से लदे वाहन को चौकी की दीवार से टकरा दिया।

पहले भी भाग्यनगर नाम की वकालत कर चुके हैं, अब आरएसएस के इस कदम से नाम बदलने की बहस और तेज हुई

हैदराबाद हैदराबाद का नाम बदलकर भाग्यनगर रखने की मांग को लेकर राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) और भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) का रुख और अधिक स्पष्ट हो गया है। आरएसएस ने इस बदलाव को भारत की सांस्कृतिक पहचान की पुनर्स्थापना का हिस्सा बताया है। संघ की सांस्कृतिक इकाई प्रज्ञा प्रवाह द्वारा आयोजित चार दिन तक चलने वाला लोकमंथन कार्यक्रम इसी दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। यूपी के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और केंद्रीय मंत्री किशन रेड्डी पहले ही भाग्यनगर नाम की वकालत कर चुके हैं। अब आरएसएस के इस कदम से नाम बदलने की बहस और तेज हो गई है। कार्यक्रम उद्घाटन राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू करेंगी प्रज्ञा प्रवाह के राष्ट्रीय संयोजक जे. नंदकुमार ने कहा, “हमारे लिए यह शहर हमेशा से भाग्यनगर महानगर रहा है और रहेगा। यह नाम शहर के प्रसिद्ध भाग्यलक्ष्मी मंदिर से आया है। यह भारत की सांस्कृतिक और ऐतिहासिक पहचान का प्रतीक है।” लोकमंथन के सभी निमंत्रण-पत्रों और पोस्टरों में हैदराबाद को भाग्यनगर बताया गया है। इस कार्यक्रम का उद्घाटन राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू करेंगी और इसमें आरएसएस प्रमुख मोहन भागवत भी शामिल होंगे। रिपोर्ट के मुताबिक, लोकमंथन एक ऐसा मंच है जहां देशभर के कलाकार, बुद्धिजीवी और शिक्षाविद् मिलकर भारत की सांस्कृतिक चुनौतियों पर मंथन करने के लिए पहुंचने वाले। इस बार के आयोजन का विषय है लोकावलोकन है, जो भारतीय परंपराओं और लोकाचारों की गहराई से जांच-पड़ताल करता है। इस कार्यक्रम में लोक विचार, लोक व्यवहार और लोक व्यवस्था जैसे तीन आयामों पर चर्चा होगी। आयोजन में लिथुआनिया, आर्मेनिया, इंडोनेशिया और रूस जैसे देशों से भी प्रतिनिधि शामिल होंगे। तेलंगाना सीएम रेवंत रेड्डी को भी न्योता आरएसएस के अनुसार, लोकमंथन का उद्देश्य औपनिवेशिक विचारधाराओं का खंडन करना है, जिन्होंने भारतीय समाज को विभाजित करने की कोशिश की। संघ का कहना है कि यह कार्यक्रम भारत की सांस्कृतिक एकता और परंपराओं को फिर से उभारने का प्रयास है। कार्यक्रम समिति के अध्यक्ष और केंद्रीय मंत्री किशन रेड्डी ने इसे भारत की साझा सांस्कृतिक धरोहर को समझने का अवसर बताया। हालांकि, तेलंगाना के मुख्यमंत्री रेवंत रेड्डी ने अपनी व्यस्तता के चलते इस कार्यक्रम में शामिल होने में असमर्थता जताई है। आरएसएस ने लोकमंथन के जरिए हिंदुत्व की परिभाषा को धार्मिक सीमाओं से परे रखते हुए इसे एक सांस्कृतिक और समावेशी परंपरा के रूप में प्रस्तुत किया। संघ के एक वरिष्ठ पदाधिकारी ने कहा, “हिंदुत्व कभी किसी विशेष पूजा पद्धति का समर्थन नहीं करता। यह सभी को जोड़ने वाली प्राचीन परंपरा है।”

रूस यूक्रेन के शहरों पर जोरदार हवाई हमले कर सकता है, दूतावास ने कर्मचारियों को सुरक्षित स्थान पर रहने की सलाह दी

रूस रूस और यूक्रेन के बीच जारी युद्ध के बीच अमेरिका ने कीव स्थित अपने दूतावास को अस्थायी रूप से बंद कर दिया है। अमेरिकी अधिकारियों के अनुसार, उसे इस बीत की सूचना है कि 20 नवंबर को रूस यूक्रेन के शहरों पर जोरदार हवाई हमले कर सकता है। दूतावास ने अपने कर्मचारियों को सुरक्षित स्थान पर रहने की सलाह दी। यूक्रेन में अमेरिकी नागरिकों से भी संभावित हवाई हमले की चेतावनी के लिए तैयार रहने और आवश्यक सावधानी बरतने का आग्रह किया गया। दूतावास ने यह भी कहा कि अमेरिकी कर्मचारी फिलहाल यूक्रेन से बाहर भेजे जा रहे हैं और कुछ प्रमुख कूटनीतिक कार्यों को अन्य स्थानों से निपटने की योजना बनाई जा रही है। अधिकारियों ने इस बात की पुष्टि की कि यूक्रेन में स्थिति और रूस की सैन्य गतिविधियों के आधार पर अमेरिकी दूतावास की स्थिति में समय-समय पर बदलाव हो सकता है। आपको बता दें कि यूक्रेन ने हाल ही में रूस पर ATACMS मिसाइलों से हमला कर दिया था। इसके बाद रूस ने कहा कि यूक्रेन ने उसपर छह ATACMS मिसाइलों से हमला किया है, जिनमें से पांच मिसाइलों को रूसी एयर डिफेंस सिस्टम ने मार गिराया। वहीं, एक मिसाइल रूस के एक इंडस्ट्रियल इलाके में जा गिरी। यूक्रेन के इस कदम के बाद रूस काफी नाराज है और उसने परमाणु हमले की धमकी दी है। रूस ने कहा कि इस हमले का बेहद करारा जवाब मिलेगा। रूस के पूर्व राष्ट्रपति दिमित्री मेदवेदेव ने तो तीसरे विश्व युद्ध के शुरुआत की धमकी तक दे डाली है। इससे पहले अमेरिकी सरकार ने यूक्रेन में बढ़ती हिंसा और हवाई हमलों की बढ़ती आशंका को लेकर कई बार अपने नागरिकों को चेतावनी दी थी। साथ ही, अमेरिका ने अन्य देशों से भी यह अपील की थी कि वे यूक्रेन से अपने नागरिकों को निकालने का काम तेजी से करें। रूस और यूक्रेन के बीच इस युद्ध का 2024 में भी कोई समाधान होता नहीं दिख रहा है। दोनों देशों के बीच तनाव लगातार बढ़ता जा रहा है। यूक्रेन ने रूस के आक्रमण का डटकर मुकाबला किया है, लेकिन रूस की हवाई और मिसाइल हमले की रणनीति के कारण स्थिति बेहद जटिल हो गई है।

पूर्वी चंपारण जिला में पुलिस ने आज एक विशेष वाहन जांच अभियान चलाया, वसूला लाखो रुपए

मोतिहारी बिहार के पूर्वी चंपारण जिला में पुलिस ने बुधवार की रात एक विशेष वाहन जांच अभियान चलाया, जिसमें कई वाहनों को जब्त किया गया तथा कई वाहनों से जुर्माना वसूला गया। बताया गया कि यह अभियान पुलिस अधीक्षक स्वर्ण प्रभात के नेतृत्व में रात्रि नौ बजे से 11 बजे तक जिले भर में चलाया गया। इस अभियान का मुख्य उद्देश्य वाहन चलाते समय सुरक्षा नियमों का उल्लंघन करने वाले वाहनों पर कार्रवाई करना और विभिन्न अवैध गतिविधियों की रोकथाम करना था। बताया गया कि इस विशेष अभियान में कुल 334 स्थानों पर वाहनों की जांच की गई। पुलिस ने जांच के दौरान 38 ट्रिपल राइडिंग वाहनों को पकड़ा और उन पर सख्त कार्रवाई की गई। इसके अलावा, बिना नम्बर प्लेट वाले दो वाहनों को जब्त किया गया। अभियान के दौरान पुलिस ने चोरी किए गए एक वाहन को भी बरामद किया। इसके अलावा, कुल 370 वाहनों की जांच की गई और जुर्माना के रूप में 3.85 लाख रुपए वसूले गए। पुलिस ने इस अभियान के दौरान सात मोटरसाइकिल, 250 लीटर विदेशी शराब और 720 लीटर देशी शराब भी बरामद की। यह कार्रवाई अवैध शराब के कारोबार को रोकने के लिए की गई थी, जिससे जिले में अवैध शराब के व्यापार में भारी कमी आने की संभावना है। इसके अतिरिक्त, पुलिस ने कई अन्य महत्वपूर्ण सामग्री भी जब्त की। इस कार्रवाई में 201 लोगों को गिरफ्तार किया गया, जिनमें शराब तस्करी से जुड़े लोग भी शामिल हैं। पुलिस ने अवैध हथियारों की बरामदगी में भी सफलता प्राप्त की, जिसमें दो देसी कट्टा, एक पिस्टल, एक राइफल, 72 कारतूस और तीन मैगजीन शामिल थे। इसके अलावा, पुलिस ने एक पिकअप वैन, एक बोलेरो, सात मोटरसाइकिल, आठ मोबाइल फोन और एक लैपटॉप भी बरामद किया, जो अपराधियों द्वारा उपयोग किए जा रहे थे। पुलिस अधीक्षक स्वर्ण प्रभात ने इस अभियान को अपराधों पर नियंत्रण रखने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम बताया। उन्होंने कहा कि पुलिस ऐसे अभियानों को निरंतर जारी रखेगी ताकि जिले में कानून-व्यवस्था बनी रहे और अवैध गतिविधियों को रोका जा सके। पुलिस अधीक्षक ने लोगों से अपील की कि वे अपनी सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए कानून का पालन करें और किसी भी अवैध गतिविधि के बारे में पुलिस को सूचित करें। इस प्रकार के अभियान से न केवल अपराधों पर अंकुश लगता है, बल्कि जनता में यह संदेश भी जाता है कि पुलिस हमेशा उनकी सुरक्षा के लिए तत्पर है।  

सेना में भर्ती होने के लिए एक युवक रोडवेज बस की डिक्की में बैठकर सफर करता हुआ नजर आया

पिथौरागढ़ सेना में भर्ती होने के लिए एक युवक रोडवेज बस की डिक्की में बैठकर सफर करता हुआ नजर आया। ये वीडियो अब सोशल मीडिया में जमकर वायरल हो रहा है। बताया जा रहा है वीडियो पिथौरागढ़ जा रही उत्तराखंड रोडवेज बस का है, जहां प्रादेशिक सेना की भर्ती की प्रक्रिया चल रही है। जिसमें उत्तर प्रदेश, बिहार समेत देश के अन्य राज्यों के युवा हिस्सा लेने पहुंच रहे हैं। बस की कमी के चलते युवा किसी भी तरह सफर करते हुए पिथौरागढ़ पहुंचने की कोशिश कर रहे हैं। इससे पूर्व में हल्द्वानी रोडवेज स्टेशन पर भी युवा हंगामा कर चुके हैं। ​​तब जिला प्रशासन और परिवहन विभाग ने युवाओं को प्राइवेट और सरकारी बसों से भेजने की व्यवस्था की। ​तब भी सैकड़ों की संख्या में युवा बसों का इंतजार करते नजर आए। पिथौरागढ़ में 12 नवंबर से 27 नवंबर तक प्रादेशिक सेना की भर्ती आयोजित हो रही है। इस बीच एक वीडियो सोशल मीडिया में वायरल हो रहा है। इसमें हल्द्वानी से पिथौरागढ़ अभ्यार्थियों को लेकर जा रही उत्तराखंड परिवहन निगम की पिथौरागढ़ डिपो की बस में एक युवक बस में सीट न मिलने पर अपनी जान जोखिम में डालकर बस की डिक्की में बैठ फौज की भर्ती में शामिल होने जा रहा है। बता दें कि बस की पिछली तरफ इस डिक्की का प्रयोग सामान रखने के लिए किया जाता है। वीडियो में साफ दिख रहा है कि डिग्गी का दरवाजा खुला है और युवक डिग्गी में बैठा हुआ है जबकि गाड़ी पहाड़ी रास्ते में दौड़ती हुई दिख रही है। बीते दिनों अल्मोड़ा में हुए बस हादसे में 36 लोगों की जान चली गई थी, जिसके बाद से बसों की सघन चेकिंग और ओवरलोड़िंग को लेकर अभियान चलाया जा रहा है।  इस बीच बस में युवक पीछे डिग्गी में कैसे बैठ गया इसको लेकर सवाल उठ रहे हैं। प्रशासन की और से अपील जारी की गई है कि उत्तर प्रदेश के जो भी अभ्यर्थी प्रादेशिक सेना की भर्ती में पिथौरागढ़ नहीं पहुंच पाए हैं, तो उनके लिए बिहार के दानापुर में 26 नवंबर से 01 दिसंबर तक भर्ती का आयोजन किया जा रहा है।  

एचपीटीडीसी की 18 आतिथ्य इकाइयों को बंद करने का दिया आदेश: हिमाचल हाईकोर्ट

शिमला हिमाचल प्रदेश उच्च न्यायालय ने हिमाचल प्रदेश पर्यटन विकास निगम (एचपीटीडीसी) की 18 आतिथ्य इकाइयों को बंद करने का आदेश दिया है। न्यायालय ने इन इकाइयों को सरकारी खजाने को नुकसान पहुंचाने वाला ‘सफेद हाथी’ करार दिया है। न्यायमूर्ति अजय मोहन गोयल की एकल पीठ ने एचपीटीडीसी कर्मचारियों द्वारा दायर एक सिविल रिट याचिका पर सुनवाई करते हुए यह आदेश पारित किया गया है। न्यायाधीश ने कहा कि बार-बार अदालती हस्तक्षेप और विस्तृत निर्देशों के बावजूद निगम इन परिसंपत्तियों को पुनर्जीवित करने या उन्हें लाभकारी बनाने में विफल रहा है। न्यायालय ने इस बात पर जोर दिया कि सार्वजनिक संसाधनों को ऐसे उपक्रमों पर बर्बाद नहीं किया जा सकता जो लगातार वित्तीय रूप से घाटे में चल रहे हैं। चैल में प्रतिष्ठित पैलेस होटल, धर्मशाला में होटल धौलाधार और मनाली में होटल लॉग हट्स सहित प्रमुख पर्यटन स्थलों की 18 संपत्तियों में पिछले कुछ वर्षों में आश्चर्यजनक रूप से होटलों के अधिकतर कमरे खाली पड़े रहे। अदालत ने एचपीटीडीसी के प्रबंध निदेशक को 25 नवंबर तक इन इकाइयों को तत्काल बंद करने का निर्देश दिया, और अनुपालन के लिए उन्हें व्यक्तिगत रूप से जिम्मेदार ठहराया। इसके अलावा, रखरखाव के लिए केवल आवश्यक कर्मचारियों को ही रखा जाएगा, जबकि बाकी को अन्य कार्यशील इकाइयों में जनशक्ति की कमी को दूर करने के लिए फिर से तैनात किया जाएगा। उल्लेखनीय है कि उच्च न्यायालय ने एक अलग मामले में दिल्ली में स्थित हिमाचल भवन को भी जब्त करने का आदेश दिया है। जिससे एक बिजली कंपनी को नीलामी के माध्यम से अपना बकाया वसूलने की अनुमति दी गयी है।  

मोदी ने गुरुकुलम में छात्रों द्वारा संस्कृत में रामायण की प्रस्तुत की गयी झलकियां को देखकर उनकी सराहना की

रियो डि जनेरियो प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने ब्राजील के रियो डि जेनेरियो में विश्व विद्या गुरुकुलम में छात्रों द्वारा संस्कृत में रामायण की प्रस्तुत की गयी झलकियां को देखकर उनकी सराहना की है। श्री मोदी ने सोशल मीडिया मंच एक्स पर एक पोस्ट में कहा ‘जोनास मैसेट्टी और उनकी टीम से मुलाकात हुई। मैंने मनकीबात कार्यक्रम के दौरान वेदांत और गीता के प्रति उनके जुनून के लिए उनका उल्लेख किया था। उनकी टीम ने संस्कृत में रामायण की झलकियाँ प्रस्तुत कीं। यह सराहनीय है कि कैसे भारतीय संस्कृति पूरी दुनिया में प्रभाव डाल रही है।’ श्री मोदी ब्राजील में जी-20 शिखर सम्मेलन में भाग लेने गए थे।  

ईरान ने कॉलेज में अंडरवियर में घूमने वाली महिला के खिलाफ कोई कानूनी कार्यवाही नहीं की, आया बड़ा अपडेट

ईरान ईरान ने कॉलेज में अंडरवियर में घूमने वाली महिला के खिलाफ कोई कानूनी कार्यवाही नहीं की है। कहा जा रहा है कि वह बीमार है। तेहरान की एक यूनिवर्सिटी में महिला के अर्धन्गन घूमने का वीडियो वायरल हुआ था। खबरें थी कि महिला ने विरोध के रूप में अंडरवियर में घूमने का फैसला किया था। खास बात है कि 1979 की इस्लामिक क्रांति के दौरान गर्दन और सिर कवर करना जरूरी हो गया है। ईरान की न्यायपालिका ने बताया है कि उसने कपड़े उतारकर घूमने वाली छात्रा के खिलाफ कार्यवाही नहीं की है। मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, न्यायपालिका के प्रवक्ता असगर जहांगीर ने कहा, ‘यह देखते हुए कि उसे अस्पताल ले जाया गया था और पता चला कि वह बीमार है। उसे परिवार के हवाले कर दिया गया है…। और कोई भी कानूनी मामला उसके खिलाफ दाखिल नहीं किया गया है।’ नवंबर की शुरुआत में वीडियो सामने आया था। बताया जा रहा था कि घटना तेहरान के इस्लामिक आजाद यूनिवर्सिटी की थी। मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसारस महिला ने यूनिवर्सिटी में सुरक्षाबलों की तरफ से मारपीट किए जाने के बाद विरोध प्रदर्शन के तौर पर यह कदम उठाया था। खबरें थीं कि सुरक्षाबलों ने पाया था कि महिला ने हिजाब नहीं पहना रखा था। साथ ही महिला घायल भी हो गई थी। ईरानी पत्रकार मसीह अलिनेजाद ने घटना का वीडियो शेयर किया था। उन्होंने लिखा था, ‘ईरान में एक छात्रा का उसकी यूनिवर्सिटी की मोरल पुलिस ने हिजाब को लेकर उत्पीड़न किया। उसने कपड़े उतारकर कैम्पस में अंडरवियर में घूमकर विरोध प्रदर्शन किया…। उनका फैसला ईरान की महिलाओं की आजादी की जंग याद दिलाता है। हां हम अपने शरीर का इस्तेमाल एक हथियार की तरह शासन से लड़ने के लिए कर सकते हैं, जो बाल दिखने के कारण महिलाओं को मार देता है।’

जगद्गुरु रामानंदाचार्य स्वामी रामभद्राचार्य की अचानक तबीयत बिगड़ी, देहरादून में कराया भर्ती

देहरादून जगद्गुरु रामानंदाचार्य स्वामी रामभद्राचार्य की अचानक तबीयत बिगड़ गई है, जिसके बाद उन्हें देहरादून के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया है। बताया गया कि मंगलवार की शाम को जगद्गुरु को सांस लेने में समस्या हुई। इसके बाद उन्हें इलाहाबाद से एयरलिफ्ट कर देहरादून लाया गया। अस्पताल प्रबंधन के अनुसार रामभद्राचार्य को सांस लेने में तकलीफ हुई थी। जिसके बाद उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया है। डॉक्टर्स की टीम लगातार उनकी निगरानी कर रही है। जगद्गुरु रामानंदाचार्य स्वामी रामभद्राचार्य इससे पहले फरवरी में भी तबीयत खराब होने के चलते देहरादून के इसी अस्पताल में भर्ती कराया गया था। उस समय अस्पताल में उनका हालचाल जानने के लिए मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी और धीरेंद्र शास्त्री भी पहुंचे हैं। स्वामी जी के अस्पताल में भर्ती होने की सूचना मिलते ही उनके भक्त और प्रशंसक लगातार स्वास्थ्य को लेकर अपडेट ले रहे हैं। तब स्वामी रामभद्राचार्य को उत्तर प्रदेश के हाथरस में कथा सुनाते वक्त सांस लेने में परेशानी हुई। उस दौरान भी उन्हें सिनर्जी अस्पताल में भर्ती किया गया था। बाद में अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान दिल्ली में भर्ती कराया गया था। उस समय परीक्षण के बाद उनमें निमोनिया के लक्षण मिले थे। बाद में वे दिल्ली एम्स से स्वस्थ होकर गए थे। जगद्गुरु रामानंदाचार्य स्वामी रामभद्राचार्य भारतीय हिंदू आध्यात्मिक गुरु हैं। जो कि संस्कृत विद्वान, दार्शनिक और राम कथाकार के रूप में समाज में प्रसिद्ध हैं। स्वामी रामभद्राचार्य उत्तर प्रदेश के चित्रकूट में रहते हैं और तुलसी पीठ धार्मिक और सामाजिक सेवा संस्थान के संस्थापक और अध्यक्ष हैं। स्वामी रामभद्राचार्य का वास्तविक नाम गिरधर मिश्रा है और जन्म उत्तर प्रदेश के जौनपुर जिले में जन्म हुआ।  

इजरायल के खिलाफ सुरक्षा परिषद में खड़े हुए 10 देश, अब अमेरिका पर सबकी नजर, आज ही वोटिंग

संयुक्त राष्ट्र इजरायल और हमास के बीच पिछले 13 महीनों से भीषण जंग का दौर जारी है। इसके चलते गाजा में लाखों लोगों को पलायन करना पड़ा है और करीब 45 हजार लोग मारे गए हैं। दुनिया भर के कई देशों और संयुक्त राष्ट्र ने संघर्ष विराम की अपील की है, लेकिन इजरायल ने हमास के खात्मे तक जंग न रुकने की बात कही है। इस बीच संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद में इस संबंध में प्रस्ताव लाने की तैयारी है। इस प्रस्ताव को सुरक्षा परिषद के चुने हुए 10 सदस्यों ने आगे बढ़ाया है, जिसे रूस और चीन जैसे देश समर्थन कर सकते हैं। वहीं आशंका है कि अमेरिका अपनी वीटो पावर का इस्तेमाल करते हुए इसे रोक सकता है। यह वोटिंग आज ही होनी है और इस प्रस्ताव को अमेरिका की ओर से रोके जाने की आशंका है। यह प्रस्ताव अल्जीरिया, इक्वाडोर, गुयाना, जापान, मालटा, मोजाम्बिक, साउथ कोरिया, सिएरा लियोन, स्लोवेनिया और स्विट्जरलैंड जैसे देशों ने बढ़ाया है। इन देशों ने सुरक्षा परिषद से मांग की है कि हमास और इजरायल के बीच जंग को तत्काल प्रभाव से रोका जाए और संघर्ष विराम घोषित हो। वहीं सुरक्षा परिषद के ही सूत्रों का कहना है कि इस प्रस्ताव के अमेरिका खिलाफ जा सकता है। माना जा रहा है कि अमेरिका शांति प्रस्ताव का समर्थक है, लेकिन इजरायल पर किसी तरह से दबाव के साथ इसे लागू नहीं करना चाहता। इस बीच इजरायली पीएम बेंजामिन नेतन्याहू ने हमास के पास बंधक इजरायली लोगों को छुड़ाने के लिए इनाम का ऐलान किया है। उन्होंने कहा कि यदि कोई गाजा में बंधक बनाए गए लोगों को निकालकर लाता है तो प्रति व्यक्ति 5 मिलियन डॉलर तक का कैश इनाम देने के लिए हम तैयार हैं। नेतन्याहू ने फिलिस्तीन के ही किसी इलाके में तैयार किए गए वीडियो में कहा गया कि इन लोगों को कोई छुड़ाता है और उन्हें परिवार के पास पहुंचने में मदद करता है तो हम उसे प्रति बंधक 5 मिलियन डॉलर तक का इनाम देंगे। यही नहीं उन्होंने हमास के खिलाफ जंग जारी रहने की बात कही है। उनका कहना है कि यह लड़ाई तब तक नहीं रुकेगी, जब तक कि हमास को सत्ता से बेदखल नहीं किया जाता।

सरकार ने लिया ये एक्शन, उत्तराखंड परिवहन निगम की बसों से दिल्ली की यात्रा में नहीं होगी परेशानी

उत्तराखंड दिल्ली में परिवहन निगम की बसों पर लगे प्रतिबंध और आम लोगों को हो रही परेशानी को देखते हुए सरकार तुंरत एक्शन में आ गई है। मुख्य सचिव राधा रतूड़ी ने एक्शन लेते हुए सचिव परिवहन को 175 बसों के खरीद के प्रस्ताव के निर्णय पर उचित स्तर पर वार्ता के निर्देश दिए हैं। यूटीसी को तत्काल शॉर्ट टर्म एक्शन प्लान पर कार्य करते हुए दिल्ली के लिए रोडवेज बसों के फेरे बढ़ाने, विशेषकर वीकेंड पर बसों की फ्रीक्वेंसी बढ़ाने के भी सीएस ने निर्देश दिए हैं। सीएस ने रोडवेज को मिली 30 नई बसों के शीघ्र संचालन के निर्देश दिए हैं। फौरी राहत देने के लिए यूटीसी की बसों का संचालन गाजियाबाद में मोहन नगर के साथ ही कौशाम्बी तक करने के लिए उत्तर प्रदेश से समन्वय करने को भी कहा है। उत्तराखण्ड परिवहन निगम की पुराने मॉडल की डीजल बसों पर दिल्ली पर लगे प्रतिबन्ध से आमजन की असुविधा के तत्काल समाधान को लेकर मुख्य सचिव राधा रतूड़ी ने यूटीसी को तत्काल शॉर्ट टर्म एक्शन प्लान पर कार्य करते हुए दिल्ली के लिए रोडवेज बसों के फेरे बढ़ाने, विशेषकर वीकेंड पर बसों की फ्रीक्वेंसी बढ़ाने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने इसके लिए यूपी से भी समन्वय हेतु निर्देश दिए हैं। मुख्य सचिव ने सचिव परिवहन को 175 बसों के खरीद के प्रस्ताव के निर्णय पर उचित स्तर पर आज ही वार्ता हेतु निर्देश दिए हैं। इसके साथ ही सीएस ने निर्देश दिए हैं कि जिन 100 सीएनजी बसों की खरीद की टेण्डर प्रक्रिया पूरी हो चुकी हैं तथा 30 बसें प्राप्त हो चुकी हैं, उनका संचालन शीघ्र शुरू किया जाए। प्रदूषण नियंत्रण के मानक पूरा करने वाली बसें सीधा दिल्ली में प्रवेश करेगी। सामान्य बसें दिल्ली सीमा मोहन नगर व कौशाम्बी तक जा सकेगी। बैठक में उत्तराखण्ड परिवहन निगम ने जानकारी दी कि दिल्ली में प्रदूषण के कारण पुराने मॉडल की डीजल बसों पर लगी रोक से पहले रोडवेज की दिल्ली रूट पर 504 सेवाएं प्रतिदिन संचालित होती थी, लेकिन अभी प्रदूषण नियंत्रण के मानक पूरे करने वाली 310 बसें संचालित हो रही हैं।  194 बसें प्रतिबन्धित की गई हैं। प्रतिबन्ध से पूर्व रोडवेज की बसों का लोड फैक्टर लगभग 40 प्रतिशत था जो अभी बस सेवाओं की फ्रीक्वेंसी बढ़ने से लोड फैक्टर 90 से 100 प्रतिशत हो गया है। दिल्ली जाने वाले यात्रियों को किसी भी प्रकार की विशेष असुविधा नही हो रही हैं। मुख्य सचिव ने इस सम्बन्ध में भ्रामक सूचनाओं को स्पष्ट करने के निर्देश दिए हैं।

दून विश्वविद्यालय में कौशल विकास एवं रोजगार कॉन्क्लेव ​का हुआ आयोजन, सीएम धामी ने बताया सरकार का रौडमैप

उत्तराखंड दून विश्वविद्यालय में कौशल विकास एवं रोजगार कॉन्क्लेव ​का आयोजन किया गया। जिसमें मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने भी शिरकत की। इस अवसर पर जनरेशन इंडिया और उत्तराखण्ड सरकार के बीच एमओयू भी किया गया।मुख्यमंत्री ने कहा कि यह कॉन्क्लेव हमारे युवाओं के कौशल विकास के क्षेत्र में नई संभावनाओं के द्वार खोलने की दिशा में एक महत्वपूर्ण भूमिका निभायेगा। कहा कि यह कॉन्क्लेव युवाओं को उनकी क्षमता के अनुरूप सशक्त बनाने में सहायक सिद्ध होगी और उन्हें आत्मनिर्भर बनने हेतु प्रेरित भी करेगी।मुख्यमंत्री ने कहा कि आज का रोजगार परिदृश्य तेज़ी से बदल रहा है, तकनीकी नवाचार और वैश्विक परिवर्तन के कारण रोजगार के नए अवसर उत्पन्न हो रहे हैं। उत्तराखंड का पहला मामला,सबसे कम उम्र के बच्चे की सफल काॅक्लर इम्प्लांट सर्जरी के बाद सुनने लगी 7 माह की बच्ची “उत्तराखंड का पहला मामला,सबसे कम उम्र के बच्चे की सफल काॅक्लर इम्प्लांट सर्जरी के बाद सुनने लगी 7 माह की बच्ची” कहा कि इसके लिए हमें अपने युवाओं को “फ्यूचर-रेडी” बनाना होगा। इस दिशा में युवाओं को “डिमांड बेस्ड स्किल ट्रेनिंग” देने के लिए विभिन्न उद्योगों और कॉरपोरेट संस्थानों के साथ समझौते किए गये हैं। राज्य के 13 आई.टी.आई. संस्थानों में दीर्घकालिक पाठ्यक्रमों के साथ-साथ 20 अल्पकालिक पाठ्यक्रमों का प्रशिक्षण प्रदान किये जा रहे हैं। साथ ही, आई.टी.आई. काशीपुर में इलेक्ट्रिकल क्षेत्र में एक “सेंटर ऑफ एक्सीलेंस” स्थापित किया गया है।

slot server thailand super gacor

spaceman slot gacor

slot gacor 777

slot gacor

Nexus Slot Engine

bonus new member

olympus

situs slot bet 200

slot gacor

slot qris

link alternatif ceriabet

slot kamboja

slot 10 ribu

https://mediatamanews.com/

slot88 resmi

slot777

https://sandcastlefunco.com/

slot bet 100

situs judi bola

slot depo 10k

slot88

slot 777

spaceman slot pragmatic

slot bonus

slot gacor deposit pulsa

rtp slot pragmatic tertinggi hari ini

slot mahjong gacor

slot deposit 5000 tanpa potongan

mahjong

spaceman slot

https://www.deschutesjunctionpizzagrill.com/

spbo terlengkap

cmd368

368bet

roulette

ibcbet

clickbet88

clickbet88

clickbet88

bonus new member 100

slot777

https://bit.ly/m/clickbet88

https://vir.jp/clickbet88_login

https://heylink.me/daftar_clickbet88

https://lynk.id/clickbet88_slot

clickbet88

clickbet88

https://www.burgermoods.com/online-ordering/

https://www.wastenotrecycledart.com/cubes/

https://dryogipatelpi.com/contact-us/

spaceman slot gacor

ceriabet link alternatif

ceriabet rtp

ceriabet

ceriabet link alternatif

ceriabet link alternatif

ceriabet login

ceriabet login

cmd368

sicbo online live

Ceriabet Login

Ceriabet

Ceriabet

Ceriabet

Ceriabet

casino online

clickbet88

login kudahoki88

Ceriabet

Ceriabet

Ceriabet

slot olympus

sbobet

slot thailand

sbobet