LATEST NEWS

भारतीय महापुरुषों को नमन कर जानीं संसदीय व्यवस्थाएं, राजस्थान विधानसभा अध्यक्ष ने जापान की संसद देखी

जयपुर। राजस्थान विधानसभा अध्यक्ष श्री वासुदेव देवनानी ने मंगलवार को जापान की संसद नेशनल डाइट का अवलोकन किया। श्री देवनानी ने वहां की संसदीय व्यवस्थाओं की जानकारी ली। श्री देवनानी ने जापान संसद का भवन, सदन, दीर्घाएं, सदन में सदस्यों के बैठने की व्यवस्था, सदन की कार्य प्रणाली, अपर हाऊस, लोअर हाऊस, हां पक्ष व ना पक्ष लॉबी सहित विभिन्न कक्षों और सदस्यों की ऑन लाईन उपस्थिति का अवलोकन किया। देवनानी ने कहा कि जापान में सदन की प्रक्रिया एवं कार्य संचालन नियमों और वहां की परम्पराओं और रीति-नीति के अनुसार होता है।देवनानी ने जापान की संसद में निचले सदन जिसे प्रतिनिधि सभा कहते है और उपरी सदन जिसे पार्षदों का सदन कहा जाता है, को देखा। जनता द्वारा सीधे चुने जाने वाले सदन के सदस्यों का यह सदन ​िद्वसदनीय विधान पालिका है। दोनों सदनों का चुनाव समान्तर मतदान से होता है। कानून बनाने के साथ- साथ प्रधानमंत्री का चुनाव करना भी संसद की जिम्मेदारी है। जापान संविधान के अनुसार संसद को देश की शक्ति का सर्वोच्च अंग माना गया है। सदन का समाहान और प्रतिनिधि सभा का विघटन वहां के सम्राट द्वारा मंत्रीमण्डल की सलाह पर किया जाता है। श्री देवनानी को संसद के अधिकारियों ने बताया कि ससंद के दोनों सदनों के स्थायी आदेश होते हैं और उनकी अपने सदस्यों को अनुशासन करने की जिम्मेदारी होती है। दोनों सदनों को मत्रियों को तलब करने का अधिकार भी मिला हुआ है। विदेशी धरती पर भारतीय महापुरुषों को नमन – राजस्थान विधान सभा अध्यक्ष श्री वासुदेव देवनानी ने मंगलवार को जापान में स्थित राष्ट्रपिता महात्मा गांधी की प्रतिमा और महान क्रांतिकारी रास बिहारी बोस के समाधि स्थल पर पुष्प अर्पित कर नमन किया। श्री देवनानी ने कहा कि भारत दुनिया की मजबूत अर्थव्यवस्था बन कर उभर रही है जो दुनिया को बदलने का आधार बन रही है। राष्ट्रपिता महात्मा गांधी द्वारा अतीत में किये गये कार्यों का परिणाम है कि भारत बहुध्रुवीयता की ओर बढ़ रहा है। राष्ट्रपिता को नमन करते हुए कहा कि महात्मा गांधी के बिना भारत को स्वतंत्र होने के लिये और लम्बा संघर्ष करना पड़ता। साथ ही श्री देवनानी ने कहा कि महान क्रांतिकारी श्री रास बिहारी बोस ने देश में ओर देश के बाहर रहकर अंग्रेजी शासन के विरुद्ध क्रांतिकारी गतिविधियों का संचालन किया। रामायण का जापानी भाषा का अनुवाद करने वाले श्री बोस ने टोक्यो में भारतीयों को संगठित करने का प्रयास किया। उन्होंने नेताजी सुभाष चन्द्र बोस के नेतृत्व में आजाद हिंन्द फोज में रहकर भारत को आजाद कराने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। देवनानी बुधवार को आयेंगे जयपुर राजस्थान विधान सभा अध्यक्ष श्री वासुदेव देवनानी चार देशों की यात्रा के बाद बुधवार को जयपुर लौटेगे। विधान सभा अध्यक्ष की लोकतांत्रिक व्यवस्थाओं की इस अध्ययन यात्रा से विधान सभा को नई गति मिलेगी। श्री देवनानी ने कहा कि प्रत्येक देश और राज्य के विधान मण्डलों में स्थानीय व्यवस्थाओं के मुताबिक सदन संचालन की प्रक्रिया होती है, लेकिन हर विधान मण्डल में नई विशेषताएँ भी देखने को मिली है। यह विशेषताएँ सबंधित विधान मण्डल के नवाचार होते हैं जो अन्य विधान मण्डलों के लिए मार्ग दर्शक साबित हो सकते है।

राजस्थान में प्रदूषण के कारण स्कूलों में छु्ट्टी, 300 के पार पहुंचा AQI; जानिए आदेश

जयपुर राजस्थान में प्रदूषण अब एक बड़ा खतरा बनता जा रहा है. राजस्थान के इतिहास में पहली बार प्रदूषण के कारण सरकार को स्कूल बंद करने का फैसला लेना पड़ा है. राजस्थान के खैरथल-तिजारा जिले में प्रदूषण का स्तर खतरनाक स्तर तक पहुंचने के कारण, जिला प्रशासन ने स्कूलों में 20 से 23 नवंबर तक छुट्टी घोषित की है. यह आदेश राजस्थान प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड द्वारा जारी दिशा-निर्देशों के बाद लिया गया है. ख़तरनाक AQI के कारण स्कूलों में अवकाश जिला कलक्टर किशोर कुमार ने आदेश जारी कर बताया कि खैरथल-तिजारा में स्थित सभी राजकीय और गैर-राजकीय विद्यालयों में 20 से 23 नवंबर तक पांचवीं कक्षा तक के बच्चों के लिए अवकाश घोषित किया गया है. उन्होंने यह भी बताया कि शिक्षकों को बच्चों की पढ़ाई में किसी भी प्रकार की बाधा न हो, इसके लिए ऑनलाइन कक्षाओं का आयोजन करना होगा. इस दौरान स्कूलों में शिक्षकों की छुट्टी नहीं होगी और वे स्कूल आकर बच्चों को ऑनलाइन पढ़ाएंगे. यह आदेश सुप्रीम कोर्ट के निर्देशों और दिल्ली-एनसीआर क्षेत्र में बढ़ते प्रदूषण के कारण लिया गया है. ग़ौरतलब है कि राजस्थान में सर्दी बढ़ने के साथ ही करीब 25 से ज्यादा जिलों में एक्यूआई ख़तरनाक स्तर पर पहुंच चुका है. यहां कि कई जिले खतरनाक स्तर पर प्रदूषित हो चुके हैं. राजस्थान प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड द्वारा जारी की गई रिपोर्ट के अनुसार, इस समय राजस्थान के कई प्रमुख जिले जैसे झुंझुनूं, भिवाड़ी, करौली और बीकानेर में वायु गुणवत्ता सूचकांक (AQI) 300 से भी ज्यादा दर्ज किया गया है. झुंझुनूं का AQI 432, बहरोड़ का 350, भिवाड़ी का 348 और अलवर का 175 तक पहुंच चुका है, जो एक गंभीर स्थिति को दर्शाता है. राजस्थान-दिल्ली में आरोप प्रत्यारोप दिल्ली के मुख्यमंत्री आतिशी ने दिल्ली के बढ़ते प्रदूषण के लिए राजस्थान को भी दोषी ठहराया था मगर राजस्थान सरकार का कहना है कि राजस्थान की आबो हवा दूसरे राज्यों की वजह से ख़राब हुई है. राजस्थान में न तो पराली जलाई जाती है और न ही इतनी फैक्ट्रियां हैं जिनकी वजह से प्रदूषण हो. इस बीच, सरकार ने लोगों से प्रदूषण को लेकर सतर्क रहने और मास्क पहनने जैसी सावधानियां बरतने की अपील की है, ताकि प्रदूषण से होने वाली समस्याओं से बचा जा सके. जानें आदेश में क्या? कलक्टर की ओर से जारी आदेश में कहा गया है कि सुप्रीम कोर्ट के निर्देश व दिल्ली-एनसीआर में एक्यूआई 450 पार जाने के बाद राजस्थान प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड ने प्रारंभिक शिक्षा निदेशक, बीकानेर को आदेश जारी किए थे। उसी के अनुसरण में खैरथल-तिजारा में स्थित सभी राजकीय और गैर राजकीय विद्यालयों में प्राथमिक कक्षाओं के लिए 20 नवंबर से 23 नवंबर तक भौतिक अवकाश घोषित किया जाता है। इस दौरान शिक्षक विद्यार्थियों के लिए ऑनलाइन क्लास संचालित करने की व्यवस्था करेंगे। यह आदेश केवल विद्यार्थियों के लिए ही लागू होगा।  

हमारा लक्ष्य विदेशी और घरेलू पर्यटक बढ़ाना है: दिया कुमारी, राजस्थान-पर्यटन ने जीते दो प्रतिष्ठित पुरस्कार

जयपुर। राजस्थान पर्यटन को कॉन्डे नेस्ट ट्रैवलर रीडर्स ट्रैवल अवार्ड्स के दौरान दो प्रतिष्ठित श्रेणियों में पुरस्कार दिया गया है। राज्य को ‘फेवरेट लीज़र डेस्टिनेशन इन इंडिया’ और ‘फेवरेट इंडियन स्टेट फॉर रोड ट्रिप्स’ पुरस्कार से नवाजा गया है। ‘फेवरेट इंडियन स्टेट फॉर रोड ट्रिप्स’ का अवार्ड राजस्थान को मिला है। जबकि फेवरेट लीज़र डेस्टिनेशन इन इंडिया’ का रनरअप अवार्ड उदयपुर को मिला है। पुरस्कार मिलने पर प्रसन्नता व्यक्त करते हुए, उपमुख्यमंत्री दिया कुमारी ने कहा कि यह हर्ष का विषय है कि राजस्थान को दो अलग-अलग श्रेणियों में प्रतिष्ठित कॉन्डे नास्ट ट्रैवलर रीडर्स ट्रैवल अवार्ड्स 2024 प्रदान किया गया है। उन्होंने कहा कि विभिन्न ट्रैवल मार्ट और प्रदर्शनियों में सक्रिय भागीदारी के माध्यम से वैश्विक स्तर पर राजस्थान पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए हमारी प्रतिबद्धता दृढ़ है। हमारा लक्ष्य राजस्थान में विदेशी और घरेलू पर्यटकों की संख्या बढ़ाना है। पर्यटन विभाग के सचिव श्री रवि जैन ने इन पुरस्कारों पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि कॉन्डे नेस्ट ट्रैवलर रीडर्स ट्रैवल अवार्ड्स हॉस्पिटैलिटी इंडस्ट्री में एक बेंचमार्क स्थापित करता है। यात्रियों द्वारा चुने गए, ये पुरस्कार दर्शाते हैं कि राजस्थान वैश्विक पर्यटन मानचित्र पर एक लोकप्रिय डेस्टिनेशन है। श्री जैन ने कहा कि राजस्थान पर्यटन को मिलने वाले पुरस्कार, प्रदेश पर्यटन के ध्येय वाक्य पधारो म्हारे देश को चरितार्थ करते हैं। देशी, विदेशी पर्यटकों ने घूमा जयपुर, जोधपुर व उदयपुर — इस साल जनवरी से लेकर सितम्बर तक जयपुर, जोधपुर व उदयपुर घूमने आने वाले घरेलु पर्यटकों की संख्या एक करोड के पार जा चुकी है। बीते आठ महीने में 16817114 देशी पर्यटक राजस्थान के इन तीन जिले में पहुंचे। वहीं इन तीनों जिलों में विदेशी सैलानियों की संख्या आठ लाख के पार पहुंची, 875940 विदेशी पावणे जयपुर, जोधपुर व उदयपुर पहुंचे। राजस्थान में पर्यटन की दृष्टि से प्रमुख जिलों जैसे जयपुर, जोधपुर व उदयपुर में घरेलू व विदेशी पर्यटकों की संख्या से अंदाजा लगाया जा सकता है कि राजस्थान पर्यटन देसी-विदेशी पर्यटकों की पहली पसंद है।  इस साल जनवरी से लेकर सितम्बर तक जयपुर जिले में 8869703 घऱेलू पर्यटक आए वही विदेशी मेहमानों की संख्या 413401 रही। जोधपुर जिले में देश से 1786619 सैलानी आए वहीं विदेशी सैलानियों की संख्या 133806 रही। उदयपुर में 6160792 देशी पर्यटकों ने घूमा वहीं यहां आने वाले विदेशी पावणों की संख्या 328733 रही। महीना    जयपुर ग्रामीण    शहर पर्यटक घरेलू    विदेशी    घरेलू    विदेशी जनवरी    243500    454    997066    70691 फरवरी    223000    431    820281    96489 मार्च    271500    345    1132417    82657 अप्रेल    923000    0    599764    39835 मई    107000    53    399499    18533 जून    13000    40    508835    11779 जुलाई    281500    36    684395    22148 अगस्त    196000    50    647472    34347 सितम्बर  202000    17    619474    35496 महीना    जोधपुर ग्रामीण    शहर पर्यटक    घरेलू    विदेशी    घरेलू    विदेशी जनवरी    12400    280    293103    23508 फरवरी    15700    438    204282    29231 मार्च    15100    465    180642    29803 अप्रेल    14350    212    102936    11389 मई    13500    107    97796    3869 जून    12700    31    101513    1803 जुलाई    29900    106    110769    6246 अगस्त    32200    194    196379    15504 सितम्बर    194600    0    158749    10620 महीना    उदयपुर शहर पर्यटक    घरेलू    विदेशी जनवरी    953343    60251 फरवरी    600301    48329 मार्च    678454    51495 अप्रेल    431603    26531 मई    547663    26205 जून    577978    24803 जुलाई    697134    26556 अगस्त    808921    31816 सितम्बर    865395    32747

48 हजार पदों पर प्रक्रियाधीन है भर्ती, राजस्थान-मुख्यमंत्री ने ली चिकित्सा विभाग की समीक्षा बैठक

जयपुर। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने कहा कि प्रदेश की जनता को सस्ती, सुलभ एवं गुणवत्तापूर्ण चिकित्सा सुविधाएं उपलब्ध कराना राज्य सरकार की प्राथमिकता है। हम अन्तिम व्यक्ति तक स्वास्थ्य सेवाओं की पहुंच सुनिश्चित करने के लिए संकल्पित हैं। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग आमजन से सीधे तौर पर जुड़ा हुआ विभाग है, इसलिए स्वास्थ्य से जुड़ी राज्य सरकार की बजटीय घोषणाओं को प्रभावी कार्ययोजना के साथ त्वरित गति से पूरा किया जाए, जिससे ‘आपणो स्वस्थ राजस्थान’ की संकल्पना साकार हो। शर्मा मुख्यमंत्री कार्यालय में चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग की समीक्षा बैठक की अध्यक्षता कर रहे थे। बैठक में चिकित्सा एवं स्वास्थ्य मंत्री श्री गजेन्द्र सिंह खींवसर भी मौजूद रहे। उन्होंने मुख्यमंत्री को जानकारी दी कि चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग में लगभग 48 हजार पदों पर भर्ती की प्रक्रिया मिशन मोड़ पर चल रही है तथा अब तक लगभग 8 हजार पदों पर नियुक्तियां दी जा चुकी हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि विभाग में खाली पड़े पदों पर आवश्यकतानुसार चरणबद्ध रूप से भर्ती की जाए तथा न्यायालय में लंबित मामलों का शीघ्र निस्तारण करवाकर नियुक्तियां दी जाए। मुख्यमंत्री ने कहा कि छोटे शहरों और कस्बों में गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने के लिए राज्य सरकार ने प्रदेशभर में आयुष्मान मॉडल सीएचसी बनाने का निर्णय लिया है। इससे न केवल निचले स्तर पर बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध होंगी बल्कि बड़े अस्पतालों पर भार भी कम होगा। उन्होंने अधिकारियों को इन मॉडल सीएचसी का काम जल्द पूरा करने के निर्देश दिए। मुख्यमंत्री आयुष्मान आरोग्य योजना का करें व्यापक प्रचार-प्रसार — मुख्यमंत्री ने कहा कि मुख्यमंत्री आयुष्मान आरोग्य योजना के तहत आमजन को निःशुल्क इलाज उपलब्ध करवाया जा रहा है। हमने इस योजना के तहत पीडियाट्रिक पैकिज शामिल करने, कुछ पैकेज की दरों को तर्कसंगत बनाने तथा पोर्टिबिलिटी सुविधाओं को शामिल करने का निर्णय लिया है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि योजना में जो नए प्रावधान जोड़े गए हैं, उनका व्यापक प्रचार-प्रसार किया जाए। उन्होंने अधिकारियों को मुख्यमंत्री आयुष्मान आरोग्य हेल्थ इन्फ्रास्ट्रक्चर मिशन के तहत चिकित्सा के आधारभूत ढ़ांचे को मजबूत करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि प्रदेश में संचालित सभी आयुष्मान आरोग्य मन्दिरों में प्रमुख 12 सेवाएं मिलना सुनिश्चित किया जाए। श्री शर्मा ने कहा कि राजस्थान डिजीटल हैल्थ मिशन के तहत प्रदेशवासियों का स्वास्थ्य रेकार्ड डिजिटल रूप से संधारित करने के लिए अभियान चलाकर प्रदेश के हर व्यक्ति की आभा आई डी बनाई जाए। मिलावटखोरों पर हो सख्त कार्रवाई — मुख्यमंत्री ने चिकित्सा विभाग द्वारा संचालित ‘शुद्ध आहार, मिलावट पर वार’ अभियान की समीक्षा करते हुए कहा कि मिलावटखोरों द्वारा राज्य की जनता के स्वास्थ्य के साथ खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने अधिकारियों से अभियान में तेजी लाते हुए मिलावटखोरों पर सख्त कार्रवाई करने के निर्देश दिए। श्री शर्मा ने कहा कि चिकित्सा विभाग के अधीन संचालित राजस्थान मेडिकल कॉन्सिल, पैरा मैडिकल कॉन्सिल सहित अन्य सभी संस्थाओं के कामकाज की नियमित समीक्षा की जाए तथा किसी भी तरह की अनियमितता पाई जाने पर उचित कार्रवाई की जाए। उन्होंने व्यवस्थाओं में सुधार के लिए तकनीकी नवाचार अपनाने पर भी जोर दिया। स्वास्थ्य के कई मानकों में राजस्थान देश में बेहतर — बैठक में प्रमुख शासन सचिव चिकित्सा एवं स्वास्थ्य श्रीमती गायत्री ए. राठौड़ ने चिकित्सा विभाग की योजनाओं, कार्यक्रमों एवं नवाचारों की प्रस्तुतिकरण के माध्यम से जानकारी दी। उन्होंने बताया कि स्वास्थ्य के कई मानकों में राजस्थान राष्ट्रीय औसत एवं कई बड़े राज्यों की तुलना में बेहतर स्थिति में है। राज्य में शिशु एवं मातृ मृत्यु दर में विभाग के प्रयासों से उल्लेखनीय गिरावट आई है। संस्थागत प्रसव के मामले में राजस्थान देश में अग्रणी है। राष्ट्रीय सिकल सैल एनीमिया उन्मूलन मिशन के तहत स्क्रीनिंग में राजस्थान देश में प्रथम स्थान पर है। निःशुल्क दवा योजना में भी दवाओं एवं सूचर्स की संख्या में वृद्धि की गई है। बैठक में केन्द्र एवं राज्य सरकार की योजनाओं के बेहतर क्रियान्वयन, अस्पतालों की नियमित मॉनिटरिंग, मौसमी बीमारियों की रोकथाम सहित कई विषयों पर चर्चा की गई। इस दौरान मुख्य सचिव श्री सुधांश पंत, अतिरिक्त मुख्य सचिव (मुख्यमंत्री) श्री शिखर अग्रवाल, अतिरिक्त मुख्य सचिव वित्त श्री अखिल अरोड़ा, प्रमुख सचिव (मुख्यमंत्री) श्री आलोक गुप्ता, शासन सचिव चिकित्सा शिक्षा श्री अम्बरीश कुमार, मिशन निदेशक एनएचएम डॉ. भारती दीक्षित, सीईओ स्टेट हेल्थ एश्योरेंस ऐजेंसी श्रीमती प्रियंका गोस्वामी, प्रबंध निदेशक आरएमएससी श्रीमती नेहा गिरी, आयुक्त चिकित्सा शिक्षा श्री इकबाल खान, निदेशक आईईसी श्री शाहीन अली खान, निदेशक जन स्वास्थ्य डॉ. रवि प्रकाश माथुर, सहित वरिष्ठ अधिकारीगण मौजूद रहे।

लाख से बनी चूड़ियां और सामग्री बनीं आकर्षण, राजस्थान-प्रगति मैदान में सजा 43वां भारतीय अंतर्राष्ट्रीय व्यापार मेला

जयपुर। नई दिल्ली के प्रगति मैदान में चल रहे अन्तर्राष्ट्रीय व्यापार मेला के राजस्थान पवेलियन में लाख की चूडियों एवं लाख से बनी अन्य वस्तुएं दर्शकों विशेषकर महिलाओं को अपनी और खूब आकर्षित कर रही है। राजस्थान मंडप के स्टॅाल न. 3 व 6 में जयपुर से आए लाख के कारीगर श्री इस्लाम अहमद ने बताया कि भारतीय संस्कृति में लाख को बहुत ही शुभ माना जाता है, विशेषतौर पर भारतीय नारियों में इसे सुहाग का प्रतीक माना जाता है। लाख से बनी चूडीयां पहनकर स्त्रियां अपने पति की लम्बी आयु की कामना करती हैं। वे बताते हैं कि लाख हमारे जीवन में महत्वपूर्ण स्थान रखती है। शादी या विवाह का अवसर हो या मकान की नींव भरने का समय, बच्चे के जन्म का मौका हो या सगाई इत्यादि के अवसर पर लाख की चूडीयां, दुल्हन को सुहाग के प्रतीक के रूप में पहनना अनिवार्य समझा जाता है। शादी तथा तीज त्यौहारों, होली, दिवाली व अनेक खुशी के अवसरों पर लाख की चुड़ियों का तथा लाख की अन्य वस्तुओं का आदान- प्रदान किया जाता है। लाख को सोने के जेवरों में भी भरा जाता है। श्री अहमद ने बताया कि मेरे वालिद के पिता ने ही भारत सरकार द्वारा स्थापित निर्यात केन्द्रों एवं रिटेल शाप्स पर सर्वप्रथम लाख का सामान बनाकर दिया था। उन केन्द्रों के माध्यम से पूरे भारत वर्ष के सरकारी रिटेल कांउटरों तथा विदेशों में लाख से निर्मित वस्तुएं भेजी गई। उन्होंने बताया कि विश्व के कई राष्ट्राध्यक्षों को उनके जयपुर आगमन पर इनके परिवार की ओर से लाख निर्मित वस्तुएं भेंट की गई। उन्होंने बताया कि उनके वालिद लाख से पैन और फैन्सी आइटम बनाने का कार्य करते रहे। हाथ में पहनने वाले लाख के मोटे कड़े पर ”डासिंग पीकाक” तथा ”मछली” का काम एक नायाब कारीगरी है जो कि उन्होंने स्वयं तैयार की है। उन्होंने बताया कि आज लाख कला सामाजिक जीवन का महत्वपूर्ण अंग है। फिर चाहे लाख की चूडीयां हों या सजावटी या दैनिक उपयोग की वस्तु सभी में यह प्रयोग किया जाता है। इनमें अगरबत्ती स्टेण्ड,हाथी घोड़ा, ऊंट, एस्टरे, चाबी के छल्ले, फोटो फ्रेम, शीशा, ज्वैलरी बाक्स फ्रुट प्ले, टेबल डायरी, ग्लास इत्यादि चीजें ही क्यों न हो, लाख कला जगत को ये सब वस्तुएं उन्हीं के परिवार की देन हैं।

अक्षय ऊर्जा क्षेत्र में निवेश के होंगे एमओयू, राजस्थान-जयपुर में ऊर्जा विभाग की प्री-समिट आज

जयपुर। मुख्यमंत्री श्री भजन लाल शर्मा के मुख्य आतिथ्य में बुधवार को प्रातः 11 बजे से होटल जयपुर मैरियट में राइजिंग राजस्थान के तहत ऊर्जा विभाग की ओर से प्री-समिट का आयोजन किया जाएगा। कार्यक्रम में ऊर्जा मंत्री श्री हीरालाल नागर सहित ऊर्जा क्षेत्र से जुड़े उद्यमी एवं निवेशक तथा अधिकारीगण उपस्थित रहेंगे। ऊर्जा विभाग के प्री-समिट के उद्घाटन सत्र में अतिरिक्त मुख्य सचिव ऊर्जा श्री आलोक स्वागत उद्बोधन देंगे। इसके पश्चात् सीआईआई, एनटीपीसी, टाटा पावर, सिक्योर मीटर, आइसोलेशन एनर्जी, सिमन्स एनर्जी, जेएसडब्ल्यू एनर्जी, जीई वेमावा इंडिया सहित अनेक सरकारी एवं प्राइवेट कम्पनियों के प्रमुख अपना उद्बोधन देंगे। साथ ही मुख्य सचिव राजस्थान श्री सुधांशु पंत भी उद्बोधन देंगे। इसके बाद एनर्जी सेक्टर में निवेश के लिए विभिन्न कंपनियों के साथ एमओयू किए जाएंगे। अतिरिक्त मुख्य सचिव ऊर्जा श्री आलोक ने बताया कि राइजिंग राजस्थान के अंतर्गत ‘एम्पावरिंग राजस्थान: अनलोकिंग द स्टेट एनर्जी पोटेन्,यल’ थीम पर आयोजित इस प्री-समिट में सौर ऊर्जा, पवन ऊर्जा और बायोमास ऊर्जा उत्पादन से जुड़ी कंपनियों, सी आई आई एवं ऊर्जा विभाग के अधिकारी शामिल होंगे। उन्होंने बताया कि राजस्थान में राष्ट्रीय दृष्टिकोण के अनुरूप आर्थिक एवं पर्यावरणीय लाभ के साथ ऊर्जा के क्षेत्र में नई परियेाजनाओं को बढ़ावा दिया जा रहा हैं। राजनिवेश पोर्टल पर बड़ी संख्या में अक्षय ऊर्जा से संबंधित निवेश प्रस्ताव प्राप्त हुए हैं जिससे प्रतीत होता है कि राजस्थान में निवेश के लिए निवेशकों में खासा उत्साह है। राजस्थान सरकार की यह नीति है कि अक्षय ऊर्जा के क्षेत्र में हर सम्भव कदम उठाकर ऊर्जा नीतियों को सफलतापूर्वक लागू करें और हर नागरिक का इसके लाभों से जोड़ें। राजस्थान अक्षय ऊर्जा निगम के अध्यक्ष एवं मुख्यमंत्री कार्यालय के प्रमुख शासन सचिव श्री आलोक गुप्ता ने बताया कि प्रदेश में अक्षय ऊर्जा के क्षेत्र में निवेश, विकास एवं विस्तार की दिशा में प्रतिबद्धता के साथ कदम उठाए जा रहे हैं। मुख्यमंत्री श्री भजनलाल शर्मा की पहल एवं ऊर्जा मंत्री श्री हीरालाल नागर के निर्देशन में ऊर्जा क्षेत्र में अधिकाधिक निवेश के लिए प्रयास किए जा रहे हैं। इससे प्रदेश में विकास को गति मिलने के साथ ही अक्षय ऊर्जा के क्षेत्र में युवाओं के लिए रोजगार के बड़े अवसर उपलब्ध होंगे। राजस्थान में सोलर ऊर्जा के क्षेत्र में अपार संभावनाएं मौजूद हैं। उन्होने बताया कि राज्य सरकार का प्रयास है कि राजस्थान अक्षय ऊर्जा के क्षेत्र में निवेशकों का पसंदीदा डेस्टिनेशन बने।

विधानसभा अध्यक्ष ने की अनुशंसा, राजस्थान-अजमेर उत्तर में 7.65 करोड़ से बनेंगी सड़कें

अजमेर/जयपुर। विधानसभा अध्यक्ष श्री वासुदेव देवनानी की अनुशंसा पर अजमेर उत्तर विधानसभा क्षेत्र में 7.65 करोड़ रूपए के विकास कार्य करवाए जाएंगे। इनमें 2 करोड़ रूपए की राशि विधायक कोष एवं 5.65 करोड़ रूपए के कार्य अजमेर विकास प्राधिकरण द्वारा करवाए जाने हैं। इस राशि से सड़क एवं अन्य विकास कार्य करवाए जाएंगे। नौसर घाटी मुख्य मार्ग से कोटड़ा मुख्य मार्ग वाया प्राइवेट बस स्टैण्ड तक 1.80 करोड़ रूपए लागत से सड़क का निर्माण कराया जाएगा। इसी तरह प्राधिकरण द्वारा पंचशील नगर ए ब्लॉक व ए ब्लॉक की विभिन्न सड़कों का निर्माण 3.85 करोड़ रूपए लागत से कराया जाएगा।

‘‘एक जिला-एक उत्पाद’’ योजना की समीक्षा, राजस्थान-केंद्रीय कृषि राज्य मंत्री पहुंचे दमोह प्रवास पर

जयपुर। केंद्रीय कृषि एवं किसान कल्याण राज्य मंत्री श्री भागीरथ चौधरी ने मध्यप्रदेश प्रवास के दौरान मंगलवार को दमोह जिला कलेक्ट्रेट सभागार में आयोजित कृषि और अन्य विभागों की समीक्षा बैठक में भाग लिया। इस बैठक में उन्होंने अधिकारियों और किसान बंधुओं से संवाद स्थापित किया। बैठक के दौरान केंद्रीय मंत्री ने ‘‘एक जिला-एक उत्पाद’’ योजना के जमीनी क्रियान्वयन की गहन समीक्षा की। उन्होंने योजना के महत्व को रेखांकित करते हुए कहा कि इसका उद्देश्य स्थानीय उत्पादों को राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय पहचान दिलाना है, ताकि क्षेत्रीय विकास को बढ़ावा मिले और ग्रामीण क्षेत्रों के लोगों को अधिक से अधिक रोजगार के अवसर प्राप्त हों। एक जिला-एक उत्पाद योजना के तहत स्थानीय उत्पादों के बेहतर क्रियान्वयन और दमोह जिले में इसके सफल भविष्य की संभावनाओं पर चर्चा भी की गई।

लुप्त कला एवं संस्कृति का संवर्द्धन करने आयोजन, राजस्थान-जयपुर में होगा युवा महोत्सव

जयपुर। राजस्थान सरकार के युवा मामले एवं खेल विभाग राजस्थान युवा बोर्ड के संयुक्त तत्वावधान में ब्लॉक-जिला-संभाग-राज्य व राष्ट्रीय स्तर पर राज्य युवा महोत्सव का आयोजन किया जाएगा। ब्लॉक स्तर पर इसी माह 25 नवम्बर से युवा महोत्सव का आयोजन प्रारम्भ होगा जो 5 दिसम्बर तक चलेगा। जिला स्तर पर 6 से 17 दिसंबर एवं संभाग स्तर पर 18 से 25 दिसम्बर तक युवा महोत्सव आयोजित किया जावेगा। राजस्थान युवा बोर्ड की और से विकसित भारत ,विकसित भारत, विकसित राजस्थान के तहत ’विज्ञान प्रौद्योगिकी एवं नवाचार’ थीम पर राज्य युवा महोत्सव का आयोजन किया जावेगा । आयोजन का उद्देश्य राज्य की दुर्लभ परम्परागत लुप्त कला एवं संस्कृति को बढ़ावा देना है। लुप्त कला एवं संस्कृति के संरक्षण एवं प्रोत्साहन के लिए स्थानीय युवाओें की प्रतिभा को प्रदर्शित किया जाना इसका मुख्य उद्देश्य हैै। युवा महोत्सव में विभिन्न प्रतियोगिताएं आयोजित की जायेगी जैसे विज्ञान, डिजिटल मेला का आयोजन, सांस्कृतिक प्रतियोगिताएं (सामुहिक लोक गायन, सामुहिक लोकनृत्य, एकल लोक गायन, एकल लोक नृत्य), कविता पाठ, कहानी लेखन, चित्रकला भाषण, हस्त कला, वस्त्र कला, कृषि उत्पाद का आयोजन किया जाएगा। वहीं, राजस्थान की लुप्त कला जैसे- फड़, रावण हत्था, रम्मत, अलगोजा, माण्डणा लंगा, मांगणीयार कठपुतली, खडताल, मोरचंग, भपंग आदि 6. डिजिटल स्किल आयोजित की जायेगी। युवा महोत्सव के आयोजन से युवा वर्ग मे कला ,परम्पराओं एवं राज्य की सांस्कृतिक विरासत को सुरक्षित रखना एवं राष्ट्रीय एकता व सामाजिक सहयोग बढ़ाने के साथ ही धर्म, भाषा, संस्कृति जीवन शैली, रहन-सहन, आदतों की विविधता की समझ एवं सम्मान विकसित हो सकेगा। इस आयोजन के माध्यम से प्रतिभाशाली युवा कलाकारों की खोज करके उन्हें सुविधा एवं प्रोत्साहन प्रदान कर अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर उत्कृष्ट प्रदर्शन के लिए तैयार किया जायेगा। महोत्सव में हिस्सा लेने के लिए युवा कलाकारों को अपना ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन करना अनिवार्य हैं। राजस्थान युवा बोर्ड की वेबसाईट WWW.YOUTHBOARD.RAJASTHAN.GOV.IN पर राजस्थान युवा फेस्टिवल— 2024 आइकन पर क्लिक कर अपना जिला एवं ब्लॉक सेलेक्ट करने के बाद पूरा विवरण भरकर रजिस्ट्रेशन करना होगा। ऑनलाईन रजिस्ट्रेशन प्रत्येक युवा कलाकार के लिए अनिवार्य हैं। बिना ऑनलाईन रजिस्ट्रेशन के युवा कलाकार युवा महोत्सव में भाग नहीं ले सकता। समस्त जिला शिक्षा अधिकारी माध्यमिक/प्रारंभिक जयपुर, जयपुर ग्रामीण, दूदू समस्त मुख्य ब्लॉक शिक्षा अधिकारी जयपुर, जयपुर ग्रामीण व दूदू, को मीटिंग आहूत कर युवा महोत्सव के निर्देश प्रदान कर दिये गऐ है। दिनांक 17 नवंबर से वी.सी के माध्यम से समस्त शिक्षा अधिकारियों को युवा महोत्सव हेतु ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन करवाने हेतु पाबंद किया गया। जिला स्तर से बने व्हाट्स एप ग्रुप के माध्यम से सभी पीईईओ, यूसीईईओ एवं संस्थाप्रधानों को युवा महोत्सव के प्रचार प्रसार अधिकाधिक एवं ऑन-लाइन रजिस्टेªशन करवाने हेतु पाबन्द किया गया। युवाओं में नवाचार को बढ़ाव देने, व्यक्तित्व क्षमता में वृद्धि करने एवं कौशल संवर्द्धन के लिए डिजिटल मेले का भी आयोजन किया जाएगा। ब्लॉक स्तरीय युवा महोत्सव से  ग्राम स्तर पर संचालित सरकारी/गैर सरकारी विद्यालय महाविद्यालयों में प्रतियोगिता आयोजित की जायेगी। प्रतियोगिता में प्रथम स्थान प्राप्त करने वाले युवाओं को सहित स्मृति चिन्ह एवं प्रशस्ति पत्र से सम्मानित किया जायेगा। ब्लॉक, जिला, संभाग स्तरीय युवा महोत्सव में प्रत्येक प्रतियोगिताओं में प्रथम विजेता दलों के सदस्यों को नकद पुरस्कार एवं राजस्थान कला-रत्न लोगों सहित स्मृति चिन्ह पुरस्कार, प्रशस्ति प्रमाण पत्र से सम्मानित किया जायेगा। द्वितीय एवं तृतीय सदस्यों को कला-रत्न लोगो सहित स्मृति चिन्ह प्रशस्ति प्रमाण पत्र से सम्मानित किया जायेगा। राज्य युवा महोत्सव में प्रत्येक प्रतियोगिताओं मे प्रथम, द्वितीय, तृतीय विजेता दलों के सदस्यों को नकद पुरस्कार, कला-रत्न लोगो सहित चिन्ह पुरस्कार वं प्रशस्ति पत्र से सम्मानित किया जायेगा। राज्य स्तरीय युवा महोत्सव में प्रथम विजेता को अन्तर्राष्ट्रीय युवा भ्रमण कार्यक्रम में सहभागिता की जायेगी एवं द्वितीय एवं तृतीय विजेताओं को एवं संभाग के प्रथम विजेतओं को राष्ट्रीय युवा भ्रमण कार्यक्रम में सहभागिता करेंगें। ब्लॉक जिला संभाग, स्तरीय युवा महोत्सव में प्रत्येक प्रतियोगिताओं में प्रथम विजेता दलों के सदस्यों को नकद पुरस्कार एवं राजस्थान कला-रत्न लोगो सहित स्मृति चिन्ह पुरस्कार, प्रशस्ति प्रमाण पत्र से सम्मानित किया जायेगा। ब्लॉक स्तरीय प्रतियोगिताओं हेतु प्रथम स्थान प्राप्त करने वाले एकल प्रतिभागी एवं विजेता समूह के प्रत्येक प्रतिभागी को 250 रुपये, वहीं जिला स्तरीय प्रतियोगिताओं हेतु प्रथम स्थान प्राप्त करने वाले एकल प्रतिभागी एवं विजेता समूह के प्रत्येक प्रतिभागी को 1000 रुपये, संभाग स्तरीय प्रतियोगिताओं हेतु प्रथम स्थान प्राप्त करने वाले एकल प्रतिभागी एवं विजेता समूह के प्रत्येक प्रतिभागी को 1500 रुपये का नकद पुरस्कार से सम्मानित किया जाएगा। वहीं, राज्य स्तरीय प्रतियोगिताओं हेतु प्रथम स्थान प्राप्त करने वाले एकल प्रतिभागी एवं विजेता समूह के प्रत्येक प्रतिभागी को 50 हजार, द्वितीय स्थान प्राप्त करने वाले एकल प्रतिभागी एवं विजेता समूह के प्रत्येक प्रतिभागी को 25 हजार एवं तृतीय स्थान प्राप्त करने वाले एकल प्रतिभागी एवं विजेता समूह के प्रत्येक प्रतिभागी को 10 हजार रखा निर्धारित किया गया है।

मोबाइल वेटरिनरी यूनिट के विशेष प्रचार प्रसार के दिए निर्देश, राजस्थान-जयपुर में पशुपालन मंत्री ने ली बैठक

जयपुर। पशुपालन, गोपालन एवं डेयरी मंत्री श्री जोराराम कुमावत ने वित्त वर्ष 2024-25 की बजट घोषणाओं को समय पर पूरा करने के निर्देश देते हुए कहा कि पशु कल्याण और पशुपालक हमारी सरकार की प्राथमिकता है। पशुपालन मंत्री मंगलवार को सचिवालय स्थित अपने कक्ष में विभागीय समीक्षा बैठक को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने बजट घोषणा के तहत पशुधन विकास कोष, सेक्स सोर्टेड सीमन और ब्रीडिंग पॉलिसी की प्रगति की समीक्षा की। उन्होंने मोबाइल वेटरिनरी यूनिट के विशेष प्रचार-प्रसार पर जोर देते हुए कहा कि अधिक से अधिक लोगों तक इसकी जानकारी से ही हमारी इस योजना  का लाभ लोगों तक पहुंच पाएगा। उन्होंने इसे हाइब्रिड मोड पर भी चलाने के निर्देश दिए जिससे अधिक से अधिक लोग इसका लाभ उठा सकें। उन्होंने प्रत्येक मोबाइल वेटरिनरी यूनिट में एक आगंतुक पंजिका रखने के निर्देश दिए जिससे लाभार्थी अपने सुझाव और शिकायतें उसमें दर्ज कर सकें और इस सेवा को और बेहतर करने में विभाग को मदद मिल सके। कुमावत ने विभागीय पदोन्नति के लिए निदेशक सहित सभी पदों की डीपीसी जल्द से जल्द कराने के निर्देश दिए साथ ही रिक्त पदों की भर्ती की प्रक्रिया को भी गति प्रदान करने के निर्देश प्रदान किए। उन्होंने भवन रहित संस्थाओं के लिए भवन निर्माण के कार्य को भी जल्द से जल्द योजनाबद्ध तरीके से पूरा करने का निर्देश दिया जिससे पशुओं और पशुपालकों को समस्याओं से निजात मिल सके। श्री कुमावत ने पशु मेलों में प्रचार प्रसार की स्थिति पर असंतोष जाहिर करते हुए कहा कि इसे दुरुस्त करने का प्रयास होना चाहिए ताकि लोगों को मेलों और उनमें होने वाली गतिविधियों की जानकारी हो सके। पशुपालन मंत्री ने गोशालाओं के जमीन की आवंटन नीति की समीक्षा करने के निर्देश देते हुए कहा कि इसका सरलीकरण होना चाहिए। जिला गोपालन समिति की बैठक समय पर आयोजित करने के निर्देश देते हुए श्री कुमावत ने कहा कि गोशालाओं को समय पर अनुदान मिलना चाहिए और इसके लिए गोशाला समितियों की बैठक समय पर होना आवश्यक है। उन्होंने मध्य प्रदेश और उड़ीसा की तरह प्रदेश में भी गौ अभ्यारण्य की स्थापना पर बल दिया जिससे गायों को आश्रय की सुविधा मिल सके। उन्होंने गाय के गोबर और गौमूत्र के प्रसंस्करण और उससे बनने वाले उत्पादों के लिए योजना बनाने के निर्देश दिए जिससे किसान और पशुपालक आर्थिक रूप से और मजबूत बन सकें। उन्होंने गोशालाओं में ए आई के उपयोग पर भी बल दिया। श्री कुमावत ने एनएलएम की तरह गायों के लिए भी परियोजना तैयार करने के निर्देश दिए। आगामी बजट घोषणा पर चर्चा करते हुए श्री कुमावत ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि वे ऐसी योजना बनाएं जो अधिक से अधिक किसानों और पशुपालकों के हित में हों और जिनका क्रियान्वयन धरातल पर सुगमता से हो सके। बैठक में शासन सचिव, पशुपालन एवं गोपालन डॉ समित शर्मा ने कहा कि प्रदेश में पशुपालन, डेयरी और पशु चिकित्सा के क्षेत्र में अपार संभावनाएं हैं और आने वाले समय में हम इन संभावनाओं को धरातल पर लाने का पूरा प्रयास कर रहे हैं। उन्होंने राइजिंग राजस्थान को इसके लिए एक अच्छा अवसर बताया। बैठक में पशुपालन निदेशक डॉ भवानी सिंह राठौड़, गोपालन निदेशक डॉ सुरेश मीना, पशुपालन विभाग के अतिरिक्त निदेशक डॉ आनंद सेजरा तथा श्री प्रह्लाद सहाय नागा सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।

कल्याणकारी योजनाओं का जन-जन को मिले लाभ, राजस्थान-जयपुर कलक्टर ने ली साप्ताहिक समीक्षा बैठक

जयपुर। जिला कलक्टर डॉ. जितेन्द्र कुमार सोनी ने मंगलवार को कलक्ट्रेट सभागार में आयोजित साप्ताहिक समीक्षा बैठक में अधिकारियों को सरकार की लोक कल्याणकारी योजनाओं का लाभ जन-जन तक पहुंचाने के निर्देश दिये। बैठक में कलक्टर ने जिले में संचालित योजनाओं की प्रगति की समीक्षा। इस दौरान उन्होंने अधिकारियों को किराये के भवन में संचालित हो रही आंगनबाड़ी केन्द्रों के लिए जल्द से जल्द सरकारी भवन मुहैया करवाने अथवा भवन हेतु भूमि आवंटन के लिए निर्देशित किया। उन्होंने अधिकारियों को राजकीय विद्यालयों में खेल मैदान विकसित करने के साथ साथ स्कूल भवन एव छात्रावास के साथ-साथ स्वास्थ्य केन्द्रों हेतु भूमि आवंटन के लिए आवश्यक कार्यवाही के लिए निर्देशित किया। डॉ. जितेन्द्र कुमार सोनी ने अधिकारियों को रास्ता खोलो अभियान के तहत अधिक से अधिक ग्रामीणों को लाभान्वित करवाने एवं खोले गए रास्तों पर ग्रेवल रोड बनाने की आवश्यक कार्यवाही प्रारंभ करने के निर्देश दिये। रास्ते संबंधी जो प्रकरण न्यायालय में विचाराधीन है उनका अनुतोष परिवादी द्वारा संबंधित न्यायालय से ही प्राप्त किया जा सकेगा। जिला कलक्टर ने अधिकारियों को समस्त अटल सेवा केन्द्रों में बिजली कनेक्शन, ई-मित्र की सुविधा एवं शौचालय सुनिश्चित करने के साथ-साथ पीएम श्री विद्यालयों के नियमित निरीक्षण के लिए निर्देशित किया। साथ ही उन्होंने युवा महोत्सव के सफल आयोजन के लिए संबंधित विभागों के अधिकारियों को तैयारियां दुरुस्त रखने एवं अधिक से अधिक सहभागिता सुनिश्चित करने के निर्देश दिये। उन्होंने विश्व शौचालय दिवस के अवसर पर राजकीय कार्यालयों के शौचालयों का निरीक्षण कर साफ-सफाई की व्यवस्था दुरुस्त रखने के लिए अधिकारियों को निर्देश दिये। साथ ही, उन्होंने अधिकारियों को पीएम सूर्य घर योजना से आमजन को लाभांवित करने एवं समर्थन मूल्य पर मूंग की खरीद के दौरान किसानों को ग्रेडिंग के लिए प्रोत्साहित करने के निर्देश दिये, ताकि अधिक से अधिक किसानों को उनकी फसल की उपज का वाजिब दाम मिल सके। बैठक में जिला परिषद की मुख्य कार्यकारी अधिकारी श्रीमती प्रतिभा वर्मा, अतिरिक्त जिला कलक्टर (प्रथम) श्रीमती विनीता सिंह, अतिरक्ति जिला कलक्टर (द्वितीय) श्री आशीष कुमार, अतिरिक्त जिला कलक्टर (तृतीय) श्रीमती कुंतल विश्नोई, अतिरिक्त जिला कलक्टर (चतुर्थ) श्रीमती सुमन पंवार, अतिरिक्त जिला कलक्टर (उत्तर) श्री मुकेश कुमार मूंड सहित नगर निगम, शिक्षा विभाग, सामाजिक न्या एवं अधिकारिता विभाग एवं अन्य संबंधित विभागों के जिला स्तरीय अधिकारी मौजूद रहे। वहीं, समस्तर उपखण्ड अधिकारी, खण्ड विकास अधिकारी, अधीशासी अधिकारी, ब्लॉक मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी वीसी के माध्यम से बैठक में जुड़े।

खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति मंत्री ने की अगवानी, राजस्थान-जयपुर एयरपोर्ट पहुंचे उपराष्ट्रपति

जयपुर। खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति मंत्री श्री सुमित गोदारा ने उपराष्ट्रपति श्री जगदीप धनखड़ के बुधवार को जयपुर पहुंचने पर एयरपोर्ट पर अगवानी की। उन्होंने पुष्प गुच्छ भेंट कर उपराष्ट्रपति का अभिनन्दन किया। इस अवसर पर प्रमुख शासन सचिव, अल्पसंख्यक मामलात एवं वक्फ विभाग श्री अश्विनी भगत, पुलिस महानिदेशक श्री यू आर साहू, जयपुर पुलिस कमिश्नर श्री बीजू जॉर्ज जोसफ, संभागीय आयुक्त श्रीमती रश्मि गुप्ता, जिला कलेक्टर श्री जितेन्द्र कुमार सोनी एवं अन्य उच्च अधिकारी मौजूद रहे।

आरटीडीसी ने विधानसभा अध्यक्ष वासुदेव देवनानी के निर्देशों के बाद सोमवार को यह आदेश जारी किया

जयपुर राजस्थान सरकार ने अजमेर में राज्य पर्यटन निगम के प्रसिद्ध होटल खदीम का नाम बदलकर ‘अजयमेरू’ रख दिया है। एक आधिकारिक आदेश में यह जानकारी देते हुए बताया गया कि शहर की सांस्कृतिक विरासत को संरक्षित करने के उद्देश्य से यह बदलाव किया गया। राजस्थान पर्यटन विकास निगम (आरटीडीसी) ने विधानसभा अध्यक्ष वासुदेव देवनानी के निर्देशों के बाद सोमवार को यह आदेश जारी किया। अजमेर के रहने वाले वासुदेव देवनानी अजमेर उत्तर सीट से विधायक हैं। अजमेर को ऐतिहासिक रूप से ‘अजयमेरू’ नाम से जाना जाता था और प्राचीन भारतीय शास्त्रों और ऐतिहासिक ग्रंथों में इस नाम का इस्तेमाल किया गया है। अजमेर सूफी संत ख्वाजा मोइनुद्दीन चिश्ती की दरगाह के लिए प्रसिद्ध है और ‘खादिम’ नाम इसी से जुड़ा है। दरगाह के मौलवियों को ‘खादिम’ कहा जाता है। अधिकारियों ने बताया कि देवनानी ने इससे पहले आरटीडीसी को जिला कलेक्ट्रेट के सामने स्थित होटल का नाम बदलने का निर्देश दिया था। उन्होंने कहा कि होटल का नाम अजमेर के समृद्ध सांस्कृतिक इतिहास, विरासत और पहचान को प्रतिबिंबित करना चाहिए। यह होटल पर्यटकों, अधिकारियों और स्थानीय लोगों के बीच बहुत लोकप्रिय है। अधिकारियों के अनुसार, देवनानी ने अजमेर स्थित किंग एडवर्ड मेमोरियल का नाम बदलकर हिंदू दार्शनिक स्वामी दयानंद सरस्वती के नाम पर रखने का भी सुझाव दिया है। आरटीडीसी की एमडी सुषमा अरोड़ा ने निगम के निदेशक मंडल की बैठक करने के बाद होटल खादिम का नाम बदलकर ‘अजयमेरु’ रखने का आदेश दिया था। ‘अजयमेरु’ नाम का संबंध 7वीं शताब्दी से है, जब महाराजा अजयराज चौहान ने इस शहर की स्थापना की थी। इतिहासकारों के अनुसार, इस नाम का इस्तेमाल प्राचीन ऐतिहासिक अभिलेखों और भौगोलिक संदर्भों में भी किया गया है।  

ई-मंडी प्लेटफार्म से डिजिटल होंगी कृषि उपज मंडियां, राजस्थान-केकड़ी में शुरू होगी ‘खेत से खरीद’ योजना

केकड़ी. राजस्थान सरकार की वर्ष 2024-25 की बजट घोषणा के अनुरूप ‘खेत से खरीद’ ई-मंडी प्लेटफार्म योजना के माध्यम से सीधे किसानों के खेत से फसल खरीदने की सुविधा शीघ्र ही शुरू करने की घोषणा की गई है। इसके तहत फसल की नीलामी व भुगतान सहित माल की आवक से लेकर जावक तक के मंडी समिति के सभी कार्य ऑनलाइन किए जाएंगे। भारत में किसानों को अपनी फसल बेचने के लिए अक्सर ही बाजार की कठिन प्रक्रियाओं का सामना करना पड़ता है। मंडियों में किसानों के उत्पाद की गुणवत्ता, मात्रा और कीमत का निर्णय आढ़तियों द्वारा किया जाता है, जिससे किसानों को उचित दाम नहीं मिलने की शिकायत बनी रहती है। किसानों की इस समस्या को देखते हुए सरकार द्वारा किसानों के हित में कई अहम कदम उठाए जा रहे हैं, जिनमें से एक इलेक्ट्रॉनिक कृषि पोर्टल यानि ई-मंडी प्लेटफार्म को शुरू करना सबसे महत्वपूर्ण है। कृषि एवं उद्यानिकी विभाग के शासन सचिव राजन विशाल ने बताया कि प्रदेश की कृषि उपज मंडियों को ई-मंडी प्लेटफार्म के माध्यम से डिजिटल किया जा रहा है, जिसमें ई-ऑक्शन के माध्यम से व्यापारियों को किसी भी स्थान पर भौतिक रूप से उपस्थित हुए बिना ही भाव लगाने का अवसर प्राप्त हो सकेगा। बजट घोषणा के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए मध्यप्रदेश में संचालित ई-मंडी प्लेटफार्म का अध्ययन करने हेतु राजस्थान राज्य कृषि विपणन विभाग के पांच अधिकारियों का दल उज्जैन एवं देवास मंडी के भ्रमण हेतु भेजा गया। अध्ययन दल ने गतिविधियों को समझने एवं देखने के पश्चात् मध्यप्रदेश की मंडियों में संचालित ई-मंडी प्लेटफार्म, ई-अनुज्ञा, ई-मंडी फार्मगेट को प्रदेश में लागू करने की दिशा में कई व्यवहारिक और तकनीक से संबंधित सुझाव पेश किए गए हैं। कृषि विपणन निदेशक राजेश चौहान ने बताया कि बजट घोषणा के क्रियान्वयन हेतु खेत से खरीद की परिकल्पना को पूर्ण करने एवं नियमन व्यवस्था को सुदृढ़ करने के लिए ई-मंडी प्लेटफार्म विकसित किया जाना प्रस्तावित हैं, जिससे प्रदेश के किसानों एवं व्यापारियों को बेहतर विपणन सुविधाऐं प्राप्त हो सकेगी। उन्होंने बताया कि ई-मंडी प्लेटफार्म के विकसित होने से किसान को सीधे अपने खेत से राज्य की किसी भी मंडी में कृषि जिन्स बेचने का विकल्प और सुविधा प्राप्त हो सकेगी। यानी कि यह सुविधा शुरू होने के बाद वह कहीं से भी कभी भी, कहीं भी ई-मंडी प्लेटफार्म के माध्यम से अपनी फसल विक्रय कर सकेगा। इससे किसानों को उनकी उपज का उचित मूल्य प्राप्त होगा, साथ ही मंडी समिति को भी सभी प्रकार की सूचनाएं पंजीकृत व्यापार, मंडी में आने वाले किसान, मंडी शुल्क, उपज के भाव और आवक-जावक का रिकॉर्ड एक ही स्थान पर उपलब्ध हो सकेगा। इसके अंतर्गत ई-भुगतान की सरल प्रक्रिया से किसानों एवं व्यापारियों को सुगमता होगी। मंडी रिकॉर्ड एवं नियमन की दृष्टि से अनियमितता भी कम होगी। किसान खेत से अपनी उपज की पूर्ति तथा व्यापारी की मांग के आधार पर निर्णय ले सकेंगे। ई-मंडी प्लेटफार्म क्या है? ई-मंडी प्लेटफार्म एक ऑनलाइन कृषि व्यापार मंच है, जहां किसान अपने कृषि उत्पादों को सीधे खरीदारों को बेच सकते हैं। हालांकि यह मंडी पारंपरिक मंडियों की तरह ही है, लेकिन यहां सारा व्यापार ऑनलाइन होता है। यह मंच किसानों और खरीदारों को एक जगह लाने का काम करता है तथा किसानों को प्रतिस्पर्धी दरों पर अपनी फसल बेचने की सुविधा देने के साथ-साथ लाइसेंसधारी व्यापारियों को भी गुणवत्तापूर्ण फसल खरीदने की सुविधा देता है। किसान, बिना मंडी के फेरे लगाएं, घर बैठे अधिकतम खरीदारों से जुड़कर फसल का उचित मूल्य पर प्राप्त कर सकता है। ई-मंडी व्यापार की संचालन प्रक्रिया पंजीकरणः ई-मंडी में खरीद-बिक्री व्यापार का संचालन बहुत ही सरल और पारदर्शी है। किसान और खरीदार दोनों को सबसे पहले ई-मंडी प्लेटफार्म पर पंजीकरण करना होता है और फिर वे लॉगिन कर सकते हैं। फसल जानकारीः किसान अपने उत्पादों की जानकारी, जैसे कि प्रकार, मात्रा, गुणवत्ता आदि इस प्लेटफॉर्म पर अपलोड करते हैं। इससे खरीदारों को उत्पाद की पूरी जानकारी मिलती है। बोली प्रक्रियाः खरीदार उत्पादों पर बोली लगाते हैं। किसान विभिन्न बोलियों का मूल्यांकन करते हैं और सबसे उपयुक्त बोली का चयन करते हैं। मूल्य निर्धारणः एक बार बोली स्वीकृत हो जाने पर, कीमत तय हो जाती है और दोनों पक्षों के बीच सौदा पक्का होता है। भुगतान और वितरणः सौदा पक्का होने के बाद भुगतान की प्रक्रिया शुरू होती है। ई-मंडी प्लेटफार्म इस बात का ध्यान रखता है कि भुगतान सुरक्षित और समय पर हों। इसके बाद उत्पाद की डिलीवरी की जाती है।

एक व्यक्ति की मौत और चार घायल, राजस्थान-सिरोही दो ऑटो की आमने-सामने से भिड़ंत

सिरोही. आबूरोड शहर के मानपुर मार्ग पर पांच बंगला के समीप बीती रात दो ऑटो की आमने सामने की टक्कर में एक व्यक्ति की मौत हो गई, जबकि इसमें चार अन्य लोग घायल हो गए। सूचना मिलने पर आबूरोड शहर पुलिस थानाधिकारी बंशीलाल एवं यातायात पुलिस के हेड कांस्टेबल किशोरीलाल अपने सहयोगियों के साथ मौके पर पहुंचे तथा क्षतिग्रस्त ऑटो को एक साइड में खड़े करवाकर घायलों को 108 एंबुलेंस से आकराभट्टा सरकारी अस्पताल पहुंचाया। यहां आवश्यक कार्रवाई के बाद शव को मोर्चरी में रखवाकर घायलों का इलाज किया गया। मंगलवार को पोस्टमार्टम करवाकर शव परिजनों को सुपुर्द कर दिया गया। आबूरोड शहर के मानपुर मार्ग पर हुआ यह सड़क हादसा इतना भीषण था कि इसमें दोनों वाहन बुरी तरह से क्षतिग्रस्त हो गए। ऑटो में सवार लोगों की चिल्लाने और ऑटो के भिड़ने की तेज आवाज सुनकर आसपास के लोग दौड़कर पहुंचे। लोगों ने ऑटो में फंसे लोगों को बाहर निकालकर शहर पुलिस एवं 108 एंबुलेस को दुर्घटना की जानकारी दी। घायलों को अस्पताल पहुंचाया गया, जहां ट्रॉमा सेंटर के पीछे, तलेटी, पीएस आबूरोड सदर निवासी मुकेश कुमार पुत्र देवीलाल वाल्मीकि को मृत घोषित कर दिया गया। मंगलवार को पोस्टमार्टम करवाने के बाद शव परिजनों को सौंप दिया गया। अधिकांश ऑटो चालक खुलेआम उड़ा रहे हैं यातायात नियमों की धज्जियां शहर और आसपास के क्षेत्रों में तेजगति एवं लापरवाही पूर्वक ऑटो चलाने वाले चालकों की संख्या दिनोदिन बढ़ रही है। ये लोग न केवल घनी आबादी क्षेत्रों में तेजगति से ऑटो चलाते हैं, सवारियां लेने एवं उतारने के लिए बिना सुरक्षा का ध्यान रखे जहां मर्जी आए ऑटो को रोक देते हैं। ऐसा नहीं है यातायात पुलिसकर्मियों को इसकी जानकारी नहीं है, लेकिन वे भी इन सबको नजरअंदाज कर रहे हैं। इसका खामियाजा आमजन को भुगतना पड़ रहा है।

slot server thailand super gacor

spaceman slot gacor

slot gacor 777

slot gacor

Nexus Slot Engine

bonus new member

olympus

situs slot bet 200

slot gacor

slot qris

link alternatif ceriabet

slot kamboja

slot 10 ribu

https://mediatamanews.com/

slot88 resmi

slot777

https://sandcastlefunco.com/

slot bet 100

situs judi bola

slot depo 10k

slot88

slot 777

spaceman slot pragmatic

slot bonus

slot gacor deposit pulsa

rtp slot pragmatic tertinggi hari ini

slot mahjong gacor

slot deposit 5000 tanpa potongan

mahjong

spaceman slot

https://www.deschutesjunctionpizzagrill.com/

spbo terlengkap

cmd368

368bet

roulette

ibcbet

clickbet88

clickbet88

clickbet88

bonus new member 100

slot777

https://bit.ly/m/clickbet88

https://vir.jp/clickbet88_login

https://heylink.me/daftar_clickbet88

https://lynk.id/clickbet88_slot

clickbet88

clickbet88

https://www.burgermoods.com/online-ordering/

https://www.wastenotrecycledart.com/cubes/

https://dryogipatelpi.com/contact-us/

spaceman slot gacor

ceriabet link alternatif

ceriabet rtp

ceriabet

ceriabet link alternatif

ceriabet link alternatif

ceriabet login

ceriabet login

cmd368

sicbo online live

Ceriabet Login

Ceriabet

Ceriabet

Ceriabet

Ceriabet

casino online

clickbet88

login kudahoki88

Ceriabet

Ceriabet

Ceriabet