LATEST NEWS

अब तक भुगत रहा है मालदीव, तक रहा भारतीय पर्यटकों की राह, भयंकर गिर गया ग्राफ

I have blood relations with Jammu and Kashmir - Rahul Gandhi

माले मालदीव का दौरा करने वाले भारतीय पर्यटकों की संख्या में इस वर्ष जून में 2.5 प्रतिशत की गिरावट आई है। पर्यटन मंत्रालय की और से जारी रिपोर्ट के अनुसार जून में अब तक समुद्र तट वाले देश में 44,013 से अधिक पर्यटक आ चुके हैं। रिपोर्ट ने कहा गया है कि एक जून से 12 जून के बीच वेलाना अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे (वीआईए) पर कुल 44,013 पर्यटकों का स्वागत किया गया। इस वर्ष की शुरुआत में पिछले वर्ष के 8,54,405 से 9.6 प्रतिशत की वृद्धि और 2022 के 7,47,183 से उल्लेखनीय वृद्धि देखी गई है। आंकड़ों से पता चलता है कि जून में हर दिन औसतन लगभग 3,668 पर्यटक आ रहे हैं और पर्यटक सात दिनों तक मालदीव में रह रहे हैं। मालदीव ने वर्ष 2024 की शुरुआत से अब तक कुल 9,36,258 आगंतुकों का स्वागत किया है। जनवरी के दौरान, देश ने 192,385 आगंतुकों का स्वागत किया, इसके बाद फरवरी में 217,392, मार्च में 194,227, अप्रैल में 168,366 और मई में 119,875 पर्यटक मालदीव आए। वर्ष 2024 में अब तक दैनिक औसत 5,709 है, और पर्यटक औसतन आठ दिनों तक रह रहे हैं। चीन 60,699 आगंतुकों के साथ सबसे आगे है, उसके बाद रूस, इटली और संयुक्त राष्ट्र हैं, जो मालदीव के पर्यटन में महत्वपूर्ण योगदान दे रहे हैं। भारत, जो पहले पिछले तीन वर्षों से पर्यटकों के आगमन का प्रमुख स्रोत था, 31,437 आगमन के साथ छठे स्थान पर आ गया है। उल्लेखनीय है कि मजबूत ऐतिहासिक और सांस्कृतिक संबंधों वाले भारत और मालदीव के बीच संबंध जनवरी 2024 में मालदीव के कैबिनेट मंत्रियों की अपमानजनक टप्पिणियों और भारतीय प्रधान मंत्री नरेंद्र मोदी के साथ-साथ भारत पर लक्षित नस्लवाद पर चिंताओं के बाद तनावपूर्ण हो गए हैं।  

कैसे जिम ट्रेनर के प्यार में पति की जान के पीछे पड़ी निधि, पहले ऐक्सिडेंट कराया, फिर घर में मरवाया

पानीपत हरियाणा के पानीपत में जिम ट्रेनर के प्यार में पति विनोद बरारा का कत्ल कराने वाली निधि की करतूत हैरान करने वाली है। तीन साल बाद इस मामले का खुलासा हुआ है तो परत दर परत हर राज खुल रहा है। पुलिस की जांच के मुताबिक जिम ट्रेनर सुमित के प्यार में पड़ी निधि ने पहले भी एक बार पति विनोद का कत्ल कराने की कोशिश की थी। इसके तहत सुमित और निधि ने एक ट्रक चालक को 10 लाख में सुपारी दी थी और उससे विनोद की कार का ऐक्सिडेंट कराया था। 5 अक्टूबर, 2021 को कराए इस ऐक्सिडेंट में विनोद गंभीर रूप से घायल हुए था, लेकिन जान बच गई थी। इस तरह निधि और सुमित का प्लान फेल हुआ तो वे फिर से मारने की जुगत भिड़ाने लगे। इस बीच उनके दिमाग में आइडिया आया कि ट्रक चालक से विनोद को गोली ही मरवा दी जाए। इस पर उसे फिर से लालच दिया गया और घर में ही विनोद की गोली मरवाकर हत्या करा दी। इसके बाद दावा किया गया कि ट्रक चालक देव सुनार ऐक्सिडेंट के मामले में कोर्ट से बाहर समझौते के लिए आया था। इससे विनोद ने इनकार किया तो उसने गोली ही मार दी। पुलिस ने इस कहानी पर यकीन भी कर लिया था, लेकिन तीन साल बाद विनोद के ऑस्ट्रेलिया रह रहे भाई प्रमोद ने फिर पुलिस से संपर्क किया तो फाइल दोबारा खुली। बहू की आलीशान जिंदगी से बढ़ा परिवार वालों का शक पति की मौत का गम मनाने का कुछ अरसे तक नाटक करने के बाद उसने बेटी को ऑस्ट्रेलिया भेज दिया था। फिर जिम ट्रेनर के साथ ही रहने लगी थी। उसकी लाइफस्टाइल भी बदल गई थी। इससे परिवार को शक होने लगा था। फिर पुलिस ने जांच शुरू की तो मामला खुला और निधि एवं सुमित ने पकड़े जाने पर सब कुछ कबूल लिया। निधि ने बताया कि उसने पति को इसलिए मरवा डाला ताकि जिम ट्रेनर सुमित से शादी कर ले। विनोद बरारा एक कंप्यूटर इंस्टिट्यूट चलाते थे। दोनों की एक बेटी भी थी। लेकिन सालों पुरानी इस शादी में तब खलल पड़ गया, जब निधि जिम में जाने के दौरान ट्रेनर सुमित के प्यार में पड़ गई। दो महीने के अंदर ही दूसरी बार हमला, मरवाकर ही माने पुलिस की जांच में पता चला है कि विनोद को अपनी पत्नी के अवैध संबंध की भनक लग गई थी। इसके चलते घर में विवाद भी होते थे। यहां तक कि विनोद ने सुमित से भी कहा था कि वह पत्नी से दूर रहे। पर दोनों नहीं माने और विनोद को ही अपनी राह से दूर करने का खतरनाक प्लान बना लिया। दोनों ने पहले उसका ऐक्सिडेंट कराया। उसमें वह बच गया तो दो महीने बाद ही घर पर ही गोली मरवा दी। इस मामले में पानीपत के एसपी अजित सिंह शेखावत के आदेश पर ही दोबारा जांच शुरू हुई थी, जिस पर यह खतरनाक मर्डर मिस्ट्री खुलकर आ गई।  

नीतीश कुमार पीएम मोदी के बाएं हाथ की अंगुली देखते हैं, जिसमें वोटिंग के दौरान लगाई गई स्याही थी, वायरल हो रहा वीडियो

नई दिल्ली पीएम नरेंद्र मोदी आज नालंदा यूनिवर्सिटी के कैंपस के उद्घाटन के लिए बिहार के राजगीर पहुंचे थे। इस दौरान का एक वीडियो भी सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है, जिसमें नीतीश कुमार उनकी अंगुली देख रहे हैं। वीडियो में दिखता है कि नीतीश कुमार पीएम मोदी के बाएं हाथ की अंगुली देखते हैं, जिसमें वोटिंग के दौरान लगाई गई स्याही थी। यही नहीं इसके बाद वह पीएम मोदी को भी अपनी अंगुली दिखाते हैं, जिसमें स्याही लगी होती है। यह वाकया उस दौरान का है, जब कैंपस के उद्घाटन कार्यक्रम को नालंदा यूनिवर्सिटी के चांसलर अरविंद पनगढ़िया संबोधित कर रहे होते हैं। इसी बीच कैमरा अचानक से पीएम नरेंद्र मोदी और नीतीश कुमार पर फोकस करता है। वीडियो में दिखता है कि नीतीश कुमार ने पीएम मोदी के बाएं हाथ की अंगुली पकड़ रखी है और उसमें लगी स्याही देख रहे हैं। वह जब मोदी का हाथ पकड़ते हैं तो खुद पीएम भी सरप्राइज रह जाते हैं। यह नहीं पीछे बैठे सुरक्षा कर्मी भी इसे हैरानी से देखते हैं। यही नहीं इसके बाद नीतीश कुमार अपनी अंगुली भी पीएम मोदी को दिखाते हैं। यह वीडियो फिलहाल सोशल मीडिया पर वायरल है और लोग इसे शेयर करते हुए कयास लगा रहे हैं कि आखिर दोनों नेताओं के बीच क्या बात हुई होगी। बता दें कि पीएम नरेंद्र मोदी ने नालंदा यूनिवर्सिटी के 455 एकड़ के कैंपस का उद्घाटन किया है। उन्होंने कहा कि तीसरे टर्म में 10 दिनों के अंदर ही यहां का दौरा करना अच्छी बात है और देश के विकास के लिए अहम है। यही नहीं नालंदा यूनिवर्सिटी के प्राचीन इतिहास को याद करते हुए पीएम मोदी ने कहा कि भले ही पुस्तकों को जला दिया जाए, लेकिन ज्ञान को जलाया नहीं जा सकता। पीएम मोदी ने कहा, ‘मुझे शपथ के 10 दिनों के अंदर ही नालंदा आने का मौका मिला है। यह मेरे लिए भाग्य की बात है। मैं इसे देश के विकास के लिए भी शुभ संकेत के तौर पर देखता हूं।’ कितनी खास है नई बनी नालंदा यूनिवर्सिटी बता दें कि नालंदा यूनिवर्सिटी को उसी स्थल पर बसाया गया है, जहां प्राचीन काल में विश्वविद्यालय था। इस नई बनी सेंट्रल यूनिवर्सिटी के परिसर में दो अकादमिक ब्लॉक होंगे। इनमें 40 क्लासरूम होंगे और 1900 के करीब छात्रों के बैठने की व्यवस्था होगी। इसके अलावा छात्रों के लिए हॉस्टम और ऑडिटोरियम आदि की भी व्यवस्था रहेगी। इस यूनिवर्सिटी की बिजली व्यवस्था सोलर सिस्टम पर आधारित है।

गर्मी ने हिमाचल में भी छुड़ाए पसीने, शिमला और कुफरी भी तपे उना-हमीरपुर में पारा 40 के पार

The festival of Janmashtami will be celebrated with enthusiasm, government issued guidelines

शिमला उत्तर भारत में इस साल गर्मी अपने चरम पर है. गर्मी का आलम यह है कि देश के पहाड़ी राज्य, जहां हमेशा ठंडक बनी रहती है वहां भी भीषण गर्मी पड़ रही है. हिमाचल प्रदेश के कई जिलों में पारा 40 डिग्री के पार पहुंच गया है. मौसम विभाग (आईएमडी) ने बताया कि हिमाचल प्रदेश मंगलवार को भी लू की चपेट में रहा और अधिकांश हिस्सों में पारा सामान्य से चार से आठ डिग्री ऊपर दर्ज किया गया. हिमाचल प्रदेश में लू और तूफान का अलर्ट मौसम विभाग ने आज यानी 19 जून को हिमाचल प्रदेश के किन्नौर, लाहौल और स्पीति को छोड़कर दस जिलों में अलग-अलग स्थानों पर लू और तूफान की चेतावनी जारी की है. वहीं 20 जून को ऊना बिलासपुर, हमीरपुर, चंबा, कांगड़ा, कुल्लू, मंडी और शिमला जिलों में अलग-अलग स्थानों पर आंधी और बिजली गिरने का भी पूर्वानुमान है. आईएमडी के अनुसार, अगले दो दिनों तक अलग-अलग इलाकों में गर्मी की लहर जारी रहने और उसके बाद कम होने की संभावना है. 20-24 जून तक ऊंची पहाड़ियों में, 19-21 जून तक मध्य पहाड़ियों में और 19 और 20 जून तक निचले इलाकों में कुछ स्थानों पर बारिश होने की भी संभावना है. हिमाचल प्रदेश के ऊना जिले में भीषण गर्मी देखी गई, जो 43.5 डिग्री सेल्सियस के अधिकतम तापमान के साथ राज्य में सबसे गर्म रहा. इसके बाद धौलाकुआं में 42.2 डिग्री सेल्सियस, बिलासपुर में 42 डिग्री सेल्सियस और हमीरपुर में 41.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया. मौसम विभाग ने बताया कि हिमाचल प्रदेश के सिरमौर, शिमला, कांगड़ा, कुल्लू, नाहन सोलन और मंडी भी लू की चपेट में हैं. कैसा रहेगा आपके शहर का मौसम, यहां जानिए अपडेट पिछले 24 घंटों में राज्य के कुछ स्थानों पर बारिश हुई, जिसमें बजौरा सबसे ज्यादा बारिश वाला रहा, जहां 16 मिमी बारिश दर्ज की गई. इसके बाद मंडी में 14.9 मिमी, धर्मशाला में 11.2 मिमी, कांगड़ा में 8.6 मिमी, पालमपुर में 7.2 मिमी, डलहौजी में 7 मिमी, गोहर में 7 मिमी बारिश दर्ज की गई. मिमी, भुंतर में 6.8 मिमी, सैंज में 6 मिमी, तिंदर में 5.8 मिमी, बंजार में 5.2 मिमी, मनाली में 5 मिमी, सुंदरनगर में 4.3 मिमी, पंडोह में 3.5 मिमी, सरकाघाट में 2.1 मिमी और कटौला, भरमौर और चौरी में 2 मिमी बारिश हुई है. हिमाचल प्रदेश के कुछ जिलों में न्यूनतम तापमान में मामूली वृद्धि हुई और पोंटा साहिब रात के दौरान सबसे गर्म रहा, जहां न्यूनतम तापमान 31 डिग्री सेल्सियस था. इसके बाद धौलाकुआं में 27.6 डिग्री सेल्सियस, देहरा गोपीपुर में 27 डिग्री सेल्सियस और नाहन में 26.4 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया. दिल्ली का मौसम दिल्ली में आज से मौसम बदलने के आसार हैं, जिसका कारण वेस्टर्न डिस्टर्बेंस को बताया गया है. मौसम विभाग के मुताबिक, दिल्ली में आज यानी 19 जून से 20 जून तक तेज हवाओं और गरज-चमक के साथ हल्की बारिश होने की संभावना है. इस दौरान तापमान में भी गिरावट देखने को मिल सकती है. IMD के अनुसार, इस पूरे हफ्ते दिल्ली का अधिकतम तापमान 42 से 44 डिग्री सेल्सियस के बीच रह सकता है और न्यूनतम तापमान 32 से 34 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहने की संभावना है. देश के मौसम का हाल मौसम पूर्वानुमान एजेंसी स्काईमेट के मुताबिक, अगले 24 घंटों के दौरान असम, मेघालय और अरुणाचल प्रदेश में मध्यम से भारी बारिश के साथ कुछ स्थानों पर भारी बारिश संभव है. वहीं दक्षिणी मध्य प्रदेश, विदर्भ, तेलंगाना, सिक्किम, उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल, दक्षिणी ओडिशा और छत्तीसगढ़ के कुछ हिस्सों, तटीय कर्नाटक और केरल में हल्की से मध्यम बारिश के साथ कुछ स्थानों पर भारी बारिश संभव है. कैसी है आपके शहर की एयर क्वॉलिटी, यहां कीजिए चेक इसके अलावा कोंकण और गोवा, मध्य महाराष्ट्र, आंध्र प्रदेश, तमिलनाडु, आंतरिक कर्नाटक, दक्षिण गुजरात, उत्तरी छत्तीसगढ़, झारखंड के कुछ हिस्सों, जम्मू कश्मीर और हिमाचल प्रदेश में हल्की से मध्यम बारिश संभव है. उत्तराखंड, अंडमान और निकोबार द्वीप समूह, रायलसीमा, मराठवाड़ा और दक्षिणपूर्व राजस्थान में हल्की बारिश हो सकती है. पंजाब, हरियाणा, उत्तर-पश्चिमी उत्तर प्रदेश और उत्तर-पश्चिमी राजस्थान में छिटपुट बारिश, आंधी और धूल भरी आंधी संभव है. वहीं उत्तर प्रदेश, पंजाब, हरियाणा और दिल्ली में लू से भीषण लू की स्थिति संभव है. जम्मू संभाग, झारखंड, बिहार, उत्तरी मध्य प्रदेश और उत्तरी छत्तीसगढ़ के अलग-अलग हिस्सों में लू की स्थिति संभव है. मध्य प्रदेश, पंजाब, हरियाणा, दिल्ली और उत्तर प्रदेश के कुछ हिस्सों में गर्म रातें संभव हैं.  

कांग्रेस नेता राहुल गांधी आज अपना 54वां जन्मदिन मना रहे हैं, कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने कटआउट पर बरसाए फूल

हैदराबाद कांग्रेस नेता राहुल गांधी आज अपना 54वां जन्मदिन मना रहे हैं। पूरे देश में कांग्रेस कार्यकर्ता राहुल के जन्मदिन पर जश्न में डूबे हैं। तेलंगाना की राजधानी हैदराबाद से कुछ तस्वीरें सामने आई हैं जहां कांग्रेसी कार्यकर्ता क्रेन पर चढ़कर राहुल के भव्य कटआउट पर फूल बरसा रहे हैं। यही नहीं, बड़ी संख्या में कार्यकर्ताओं ने मिठाई बांटी और पटाखे भी फोड़े। इसके अलावा, कांग्रेस कार्यकर्ता डांस करते भी नजर आ रहे हैं। इससे पहले तेलंगाना के मुख्यमंत्री ए. रेवंत रेड्डी ने बुधवार को कांग्रेस नेता राहुल गांधी को जन्मदिन की शुभकामनाएं दीं थीं। रेड्डी ने ‘एक्स’ पर लिखा, “राहुल गांधी को जन्मदिन की हार्दिक बधाई! उनका व्यक्तित्व सभी मुश्किलों से लड़ने का है। उनका दृष्टिकोण वंचितों के साथ खड़ा होना है। त्याग उनकी विरासत है और संघर्ष उनका दर्शन है। वह बुद्धिमान हैं और भविष्य के लिए भारत की आकांक्षाओं को पूरा करने वाले एकमात्र नेता हैं।” राहुल गांधी का जन्म 19 जून, 1970 को नई दिल्ली में हुआ था। वह पूर्व प्रधानमंत्री राजीव गांधी और कांग्रेस की पूर्व अध्यक्ष सोनिया गांधी की ज्येष्ठ संतान हैं। वर्तमान में वह उत्तर प्रदेश के रायबरेली से लोकसभा सदस्य हैं। इससे पहले वह केरल के वायनाड से सांसद थे। कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे, पार्टी के कई वरिष्ठ नेताओं और विपक्षी गठबंधन ‘इंडियन नेशनल डेवलपमेंटल इन्क्लूसिव अलायंस’ (‘इंडिया’) के कुछ नेताओं ने भी बुधवार को राहुल गांधी को उनके जन्मदिन के अवसर पर बधाई दी। कांग्रेस नेताओं ने राहुल गांधी को कमजोरों की आवाज, संविधान के प्रति अटूट आस्था रखने वाला तथा सत्ता को सच का आईना दिखाने वाला बताया।  

देश के चार राज्यों में गवर्नर का कार्यकाल समाप्त हो रहा है, वीके सिंह, अश्विनी चौबे, हर्षवर्धन को मिल सकता है मौका

 नई दिल्ली देश के चार राज्यों में गवर्नर का कार्यकाल समाप्त हो रहा है. इन चारों राज्यों में अगला राज्यपाल कौन होगा इसे लेकर अटकलबाजियों का दौर शुरू हो गया है. उत्तर प्रदेश में आनंदी बेन पटेल, राजस्थान में कलराज मिश्र, गुजरात में आचार्य देवव्रत और केरल में आरिफ मोहम्मद खान का गवर्नर के रूप में कार्यकाल अगले दो से तीन महीने में समाप्त हो जाएगा. वहीं पंजाब के राज्यपाल और केंद्र शासित प्रदेश चंडीगढ़ के प्रशासक बनवारी लाल पुरोहित ने पहले ही इस्तीफा दे रखा है, जो अब तक मंजूर नहीं हुआ. भाजपा ने अपने कई वरिष्ठ नेताओं को इस बार लोकसभा का चुनाव नहीं लड़ाया था. ऐसे में यह कयास लगाए जा रहे हैं कि भगवा पार्टी अपने इन नेताओं को राज्यपाल बना सकती है. बिहार में अश्विनी चौबे, उत्तर प्रदेश में वीके सिंह, दिल्ली में डॉ. हर्षवर्धन और ऐसे अन्य कई वरिष्ठ नेताओं को बीजेपी ने टिकट नहीं दिया था. ये सभी नेता राज्यपाल बनने की दौड़ में शामिल हैं. बता दें कि जनरल वीके सिं​ह (रिटायर्ड), डॉ. हर्षवर्धन और अश्विनी चौबे पिछली लोकसभा में बतौर बीजेपी सांसद मौजूद थे. ये तीनों ने केंद्रीय मंत्रिमंडल में भी शामिल रहे थे. वीके सिंह गाजियाबाद, हर्षवर्धन चांदनी चौक और अश्विनी चौबे बक्सर से 2014 और 2019 में लगातार दो बार सांसद चुने गए थे. वीके सिंह ने मोदी सरकार में सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्रालय, नागरिक उड्डयन मंत्रालय और विदेश मंत्रालय में बतौर राज्य मंत्री अपनी सेवाएं दे चुके हैं. वहीं हर्षवर्धन केंद्र की मोदी सरकार में स्वास्थ्य और परिवार कल्याण मंत्री, विज्ञान और प्रौद्योगिकी मंत्री और पृथ्वी विज्ञान मंत्री रह चुके हैं. अश्विनी चौबे मोदी सरकार में कंज्यूमर अफेयर्स, खाद्य और सार्वजनिक वितरण और पर्यावरण, वन और जलवायु परिवर्तन मंत्रालय में राज्य मंत्री का प्रभार संभाल चुके हैं. सूत्रों की मानें तो केंद्र सरकार केरल के राज्यपाल आरिफ मोहम्मद खान का कार्यकाल बढ़ाने पर विचार कर रही है. केंद्र को लगता है कि केरल के राज्यपाल ने एलडीएफ सरकार के राजनीतिक रूप से पक्षपातपूर्ण कार्यों और फैसलों का दृढ़ता से सामना किया और लोगों के सामने उजागर करने में मदद की है. राज्यपाल के रूप में आरिफ मोहम्मद खान का कार्यकाल 6 सितंबर को समाप्त होने वाला है. तय मानदंडों के अनुसार, राष्ट्रपति केंद्र सरकार की सलाह से राज्यपालों का कार्यकाल समाप्त होने से पहले उन्हें बदल सकते हैं. राज्यपाल अपने उत्तराधिकारी की नियुक्ति होने तक अपना कार्यकाल जारी रख सकते हैं.  

सुशासन के प्रतीक – छत्रपति शिवाजी महाराज – शिवप्रकाश

Bhujariya festival celebrated with pomp, immersion in Chandrabhaga river.

राष्ट्रीय जनतान्त्रिक गठबंधन की जीत के उपलक्ष्य में आयोजित “धन्यवाद भारत कार्यक्रम” के अवसर पर प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी ने छत्रपति शिवाजी महाराज को स्मरण करते हुए कहा कि ” कुछ ही दिनों में देश छत्रपति शिवाजी महाराज के राज्याररोहण की 350 वीं वर्षगांठ मनाएगा, उनका जीवन ध्येय पथ पर बढ़ने की प्रेरणा देता है”। छत्रपति शिवाजी महाराज का राज्याभिषेक ज्येष्ठ शुक्ल त्र्योदशी विक्रम संवत् 1731 को रायगढ़ में हुआ था । पुर्तगाली एवं ब्रिटिशों सहित अनेकों विदेशी लेखकों ने छत्रपति शिवाजी महाराज की तुलना विश्व के महानतम सेनापति नेपोलियन, सीजर, सिकन्दर के साथ करते हुए उनकी वीरता, साहस, प्रशासनिक कुशलता एवं युद्ध शैली की प्रशंसा की है । 16 फरवरी 1630 ईस्वी को शिवनेरी किले में शिवाजी महाराज का जन्म शाहजी भोंसले एवं माता जीजाबाई के परिवार में हुआ । उनके जन्म के समय परिस्थितियां कैसी थी इसका वर्णन समर्थ गुरुरामदास महाराज ने अपने 12 वर्ष के भारत भ्रमण के पश्चात् इस प्रकार किया “या भूमंडलाचे ढायी, धर्मरक्षा ऐसा नाही”इस समय इस भूमंडल पर धर्मरक्षक कोई नहीं है । सम्पूर्ण देश में कोई भी मंदिर सुरक्षित नहीं है सामान्य जनता मुगलों के अत्याचार से कराह रही है, किसी भी नदी का जल पवित्र नहीं है जिससे अभिषेक किया जा सके । इस विकट परिस्थिति में छत्रपति शिवाजी महाराज ने अपने रणकौशल एवं बुद्धिकौशल से स्वराज की स्थापना की । उनके कुशल प्रशासन को देखने के बाद पुनः स्वंय समर्थ रामदास महाराज ने कहा कि “आचारशील,विचारशील,न्यायशील,धर्मशील, सर्वज्ञ सुशील जाणता राजा” (जाणता अर्थात् सदैव जागरूक)। किसी भी कार्य की सफलता का आधार नेतृत्वकर्ता के सहयोगी कैसे हैं, इस पर निर्भर करता है। शिवाजी महाराज ने सहयाद्रिमें निवास करने वाले सामान्य गरीब, किसान, युवकों में स्वराज की प्रेरणा जगायी । समाज के सामान्य वर्ग से निकले इन्हीं योद्धाओं ने अपने जीवन की बाजी लगाकर स्वराज स्थापना का श्रेष्ठतम कार्य किया । औरंगजेब अपनी सेना के एक – एक सेनापति से तुलना करते हुए शिवाजी महारज के सेनापतियों की विशेषता का वर्णन करते हुए कहता है कि “वे झुकते नहीं, रुकते नहीं, थकते नहीं और बिकते भी नहीं” । छत्रपति शिवाजी महाराज का शासन लोक कल्याण एव पारदर्शिता से युक्त था। अपने वित्त प्रबंधन को लेकर वे सदैव सजग थे । अपने मंत्रालयों की समीक्षा करते समय उन्होंने अपने लेखपाल से पूछ लिया कि कलतक का हिसाब दैनंदनी में चढ़ा अथवा नहीं, नकारात्मक उत्तर होने पर लापरवाही के लिए कठोर दंड भी दिया । लगान के उचित संग्रह में लापरवाही पर देश कुलकर्णी आपाजी से जुर्माना भी लिया एवं पद मुक्त भी किया । भ्रष्टाचार विहीन शासन छत्रपति शिवाजी महाराज के शासन का वैशिष्टय था । भ्रष्टाचार मुक्त शासन के लिए उन्होंने रिश्वत लेने पर अपने सौतेले मामा मोहिते को भी कारागार में डाल दिया था। 13 मई 1671 के अपने पत्र में वे लिखते हैं कि अगर आप जनता को तकलीफ देंगे, कार्य सम्पादन में रिश्वत मागेंगे तो जनता को लगेगा कि इससे तो मुगलों का शासन ही अच्छा था । छत्रपति शिवाजी महाराज ने अपने स्वराज संचालन के लिए अष्ट प्रधान शासन प्रणाली की व्यवस्था दी थी। छत्रपति शिवाजी महाराज जहाँ एक दूरदर्शी योद्धा थे, वहीं वह एक कुशल प्रशासक भी थे । स्वदेशी जलपोत निर्माण के लिए मुंबई के पास कल्याण एवं भिवंडी में उनके द्वारा स्थापित जलपोत निर्माण कारखाना, व्यापार एवं सुरक्षा के प्रति उनकी दृष्टि की ओर इंगित करता है । अंग्रेजों से तोप निर्माण की तकनीक न मिलने पर उन्होंने फ्रांस के सहयोग से पुरन्दर किले पर तोपखाना स्थापित कराया । रक्षा क्षेत्र में आत्मनिर्भरता का यह मन्त्र वर्तमान की सरकार का मन्त्र भी बना है ।भूमि का मापन, पैदावार का मूल्यांकन, आपदा में होने वाली हानि के मूल्यांकन की व्यवस्था शिवाजी महाराज ने उस समय की थी । सिंचाई के लिए बाँध, तालाबों, कुएँ, बावड़ी एवं जलाशयों का निर्माण उनकी दूरदर्शिता को प्रकट करते हैं । स्वस्थ भूमि, स्वस्थ उत्पाद, स्वस्थ पर्यावरण के लिए फसलों में विविधता, फलदार वृक्षों को लगवाना उनकी कृषि एवं पर्यावरण के प्रति दृष्टि को प्रकट करते है । महिलाओं के प्रति उनके हृदय में सम्मान एवं महिलाओं पर कुदृष्टि डालने पर कठोर दंड उनके शासन की व्यवस्था थी । मुस्लिम महिला गोहरबानू के प्रति उनके उदगार काश मेरी माँ भी इतनी सुन्दर होती, सखोजी गायकवाड़ को दंड उनकी न्यायप्रियता को प्रकट करते हैं। स्वराज के हित को प्रथम रखते हुए उन्होंनेव्यापारिक सम्बन्ध सभी से रखे थे। व्यापार के लिए मध्य एशिया के देशों तक उन्होंने सम्बन्ध बनाये थे । उनमें मस्कट के इमाम भी प्रमुख थे । उन्होंने अन्धविश्वाश एवं कुरीतियों को तोड़ते हुए वैज्ञानिक दृष्टि को अपने राज्य संचालन का आधार बनाया । उनके शासन में वृद्ध, बीमार एवं बच्चों को छोड़कर अन्य किसी के लिए भी मुफ्त सुविधा की व्यवस्था नहीं थी । छत्रपति शिवाजी महाराज की शासन प्रणाली में स्वभाषा एवं स्वसंस्कृति को विशेष महत्व था । गुलामी के प्रतीकों को हटाकर स्वाभिमानी समाज जागृत करने के लिए उन्होंने किलों के नामों का नामांतरण भी किया । उर्दू और फारसी के शब्द बदलकर स्वराज संचालन के लिए 1400 हिन्दी शब्दों का कोष भी बनाया था । छत्रपति शिवाजी महाराज की गुप्तचर व्यवस्था, शत्रु को पहचानने की उनकी अचूक दृष्टि उनको शेष भारतीय राजा -महाराजाओं से अलग करती है । उत्तर भारत की मुग़ल शक्ति एवं दक्षिण की आदिलशाही, कुतुबशाही के भेद का उन्होंने उचित उपयोगकिया था । अंग्रेज व्यापारी स्वभाव के हैं, उन्होंने इसको अच्छे से पहचानकर उसी दृष्टि से उनके साथ व्यवहार भी किया था । शत्रु के साथ “ जैसे को तैसा व्यवहार” (शठे शाठयम समाचरेत) शाइस्ताखान, अफजलखान एवं औरंगजेब से युद्ध करते समय उन्होंने अपनाया था । व्यापार एवं सुरक्षा के लिए नौसेना के महत्व को पहचान कर सिंधुदुर्ग सहित समुद्र किनारे अनेक दुर्गों की स्थापना उन्होंने की थी। अपने धर्म से विमुख हुए लोगों को अपने धर्म में पुनःवापसी भी उन्होंने करायी थी । छत्रपति शिवाजी महाराज ने न केवल हिन्दवी साम्राज्य स्थापित किया, बल्कि सम्पूर्ण समाज में स्वराज, स्वधर्म के प्रति समर्पण की भावना भी जागृत की ।देश भर में स्वराज की रक्षा के लिए संघर्षरत समस्त राजा –महाराजाओं के प्रेरणा पुंज भी वह बने । बुंदेलखंड के महाराजा छत्रसाल, असम के लाचिद बड़फूकन उन्हीं से प्रेरणा लेकर संघर्ष कर रहे … Read more

बड़ी सफलता: बारामूला में एनकाउंटर में सुरक्षाबलों को बड़ी सफलता मिली है, मुठभेड़ में दो आतंकवादियों को मार गिराया

जम्मू-कश्मीर जम्मू-कश्मीर के बारामूला जिले में बुधवार को हुए एनकाउंटर में सुरक्षाबलों को बड़ी सफलता मिली है। मुठभेड़ में दो आतंकवादियों को मार गिराए गए है। हालांकि, दो सुरक्षाकर्मी भी घायल हुए हैं। अधिकारियों ने बताया कि सुरक्षा बलों ने बुधवार सुबह बारामूला जिले के वाटरगाम इलाके में आतंकवादियों की मौजूदगी की सूचना मिलने के बाद घेराबंदी और तलाशी अभियान शुरू किया। अधिकारियों ने आगे बताया कि आतंकवादियों द्वारा सुरक्षा बलों पर गोलीबारी शुरू करने के बाद तलाशी अभियान मुठभेड़ में बदल गया। एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने बताया कि मुठभेड़ स्थल पर दो शव देखे गए हैं, लेकिन अभी तक उन्हें बरामद नहीं किया जा सका है। उन्होंने बताया कि आतंकवादियों के साथ गोलीबारी में दो सुरक्षाकर्मी – एक पुलिसकर्मी और एक सेना का जवान – घायल हो गए हैं। बता दें कि पिछले दिनों जम्मू-कश्मीर के रियासी सेक्टर में एक बस पर आतंकवादी हमला हुआ था, जिसमें नौ लोगों की जान चली गई थी। मृतकों में तीन महिलाएं भी शामिल थीं, जबकि 41 लोग घायल हो गए थे। गृह मंत्रालय ने आतंकी हमले की जांच राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) को सौंप दी है। आतंकवादियों ने 53 सीटों वाली बस पर उस समय गोलीबारी की, जब यह शिव खोड़ी मंदिर से कटरा स्थित माता वैष्णो देवी मंदिर जा रही थी। एक अधिकारी ने बताया कि जम्मू-कश्मीर में 9 जून को बस पर हुए आतंकी हमले की जांच एनआईए को सौंप दी गई है। यह फैसला केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह द्वारा जम्मू-कश्मीर में सुरक्षा स्थिति और वार्षिक अमरनाथ यात्रा की तैयारियों की यहां लगातार दो बैठकों में समीक्षा करने के एक दिन बाद आया। बांदीपोरा में सुरक्षा बलों ने ढेर किया था आतंकी इससे पहले, सोमवार को जम्मू-कश्मीर के बांदीपोरा जिले में सुरक्षा बलों के साथ मुठभेड़ में एक आतंकवादी मारा गया था। अधिकारियों ने बताया कि आतंकवादियों की मौजूदगी की सूचना मिलने के बाद सुरक्षा बलों ने रविवार रात जिले के अरागाम इलाके में घेराबंदी और तलाशी अभियान शुरू किया, जिसके बाद मुठभेड़ शुरू हो गई। सेना की श्रीनगर स्थित चिनार कोर ने बताया कि एक आतंकवादी मारा गया। उसने बताया कि अंतिम रिपोर्ट मिलने तक अभियान जारी था। चिनार कोर ने सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर एक पोस्ट में कहा, ”आतंकवादियों की मौजूदगी के बारे में विशेष खुफिया जानकारी के आधार पर, भारतीय सेना और जम्मू-कश्मीर पुलिस द्वारा 16-17 जून की रात को गुरीहाजिन, अरागाम बांदीपोरा में एक संयुक्त अभियान शुरू किया गया; एक आतंकवादी मारा गया।”  

NEET परीक्षा याचिकाओं पर SC ने सुनवाई के दौरान काउंसलिंग रोकने और तत्काल सीबीआई जांच का आदेश देने से इन्कार

 नई दिल्ली NEET परीक्षा को लेकर दायर कई याचिकाओं पर सुप्रीम कोर्ट ने सुनवाई के दौरान काउंसलिंग रोकने और तत्काल सीबीआई जांच का आदेश देने से इन्कार कर दिया है. जस्टिस विक्रम नाथ और जस्टिस संदीप मेहता की अवकाशकालीन पीठ ने सीबीआई जांच की मांग पर कहा कि बिना दूसरे पक्षों को सुने ये आदेश तुरंत नहीं दिया जा सकता है. सीबीआई जांच पर सुप्रीम कोर्ट ने कही ये बात आज सुनवाई के लिए आई चार याचिकाओं में से एक याचिका में नीट परीक्षा के पेपर लीक की CBI जांच की मांग की गई थी. इस याचिका में बड़े स्तर पर पेपर लीक की घटनाओं का हवाला देते हुए मनमाफिक परीक्षा केंद्र चुनने के लिए अपनाए जा रहे हथकंडों का भी जिक्र है. मसलन, ओडिशा, झारखंड और गुजरात जैसे राज्यों के छात्रों ने NEET परीक्षा देने के लिए गुजरात के गोधरा में एक खास सेंटर चुना था. इन छात्रों ने NEET क्लियर करने और गोधरा में एक ख़ास सेंटर जय जलाराम स्कूल में अपना सेंटर चुनने के लिए 10 लाख रुपए रिश्वत दी थी. नीट को लेकर दाखिल चार अलग-अलग याचिकाओं पर सुप्रीम कोर्ट ने NTA को नोटिस जारी किया. पीठ ने इस नोटिस का जवाब 2 हफ्ते में दाखिल करने को कहा है. इन याचिकाओं पर भी 8 जुलाई को अगली सुनवाई मूल याचिका के साथ ही होगी. याचिकाकर्ता ने सीबीआई जांच की मांग की. जिसपर सुप्रीम कोर्ट ने कहा आज ही CBI के जांच के आदेश दे सकते है क्या?? नहीं न, कोर्ट ने फिलहाल इस पर कुछ भी कहने से इनकार किया है. सुप्रीम कोर्ट ने साफ किया की हमने ग्रेस मार्किंग पाए 1563 छात्रों के दुबारा परीक्षा का कोई आदेश नहीं दिया. यह एनटीए का फैसला था कि दोबारा परीक्षा करवाई जाएं. बिहार पेपर लीक मामले में ईओयू के दफ्तर पहुंची छात्रा NEET 2024 प्रश्नपत्रों के पेपर लीक मामले में ईओयू द्वारा भेजे गए नोटिस के जवाब में पहली उम्मीदवार सामने आई है. पटना के दानपुर से ईशा भारती नामक कैंडिडेट ईओयू के दफ्तर पहुंची हैं. अब पुलिस द्वारा छात्रा ने सॉल्वर गैग और पेपर लीक मामले में सवाल जवाब किए जाएंगे. दरअसल, नीट पेपर में धांधली की जांच के दौरान बिहार पुलिस की अब तक छानबीन में सॉल्वर गैंग के पास 13 परीक्षार्थियों के रोल कोड मिले थे. पुलिस ने इन 13 परीक्षार्थियों में से चार को गिरफ्तार कर लिया था, बाकी 9 परीक्षार्थियों को EOU ने नोटिस भेजकर पूछताछ के लिए बुलाया था. इनमें से पटना से ईशा भारती पूछताछ के लिए पहुंच गई हैं.  

सड़क किनारे सो रहे लोगों पर सांसद की बेटी ने चढ़ाई BMW कार, 1 की मौत, मिली जमानत

चेन्नई  पुणे पोर्शे कांड के बाद हिट एंड रन का एक और हैरान करने वाला मामला सामने आया है. तमिलनाडु की राजधानी चेन्नई में राज्यसभा सांसद बीडा मस्तान राव की बेटी ने अपनी बीएमडब्ल्यू कार से सड़क किनारे सो रहे शख्स को रौंद दिया. इस घटना में शख्स की मौत हो गई. हैरानी की बात है कि घटना के बाद थाने से ही राज्यसभा सांसद बीडा मस्तान राव की बेटी माधुरी को जमानत मिल गई. बीडा मस्तान राव वाईएसआर कांग्रेस पार्टी से राज्यसभा सांसद हैं. यह घटना सोमवार रात की है. राज्यसभा सांसद बीडा मस्तान राव की बेटी माधुरी जब बीएमडब्ल्यू कार चला रही थी, तब उसके साथ उसकी सहेली भी थी. राज्यसभा सांसद की बेटी ने कथित तौर पर चेन्नई के बेसेंट नगर में फुटपाथ पर सो रहे 24 वर्षीय पेंटर सूर्या को कार से कुचल दिया. आनन-फानन में घायल व्यक्ति को अस्पताल पहुंचाया गया, जहां उसने दम तोड़ दिया. पुलिस अधिकारियों ने बताया कि आरोपी माधुरी तुरंत मौके से भाग गई, जबकि उसकी दोस्त कार से उतर गई और दुर्घटना के बाद इकट्ठा हुए लोगों से बहस करने लगी. कुछ देर बाद वह भी भाग गई. भीड़ में से कुछ लोगों ने घायल सूर्या को अस्पताल पहुंचाया, लेकिन उसकी मौत हो गई. रिपोर्ट की मानें तो मृतक सूर्या की आठ महीने पहले ही शादी हुई थी. बीएमडब्ल्यू कार से रौंदे जाने के बाद उनके रिश्तेदार और कॉलोनी के लोग जे-5 शास्त्री नगर पुलिस स्टेशन में कार्रवाई की मांग को लेकर जमा हो गए. जब ​​पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज चेक की तो पता चला कि कार बीएमआर (बीडा मस्तान राव) ग्रुप की थी और पुडुचेरी में रजिस्टर्ड थी. माधुरी को गिरफ्तार तो कर लिया गया, मगर पुलिस स्टेशन से ही उसे जमानत मिल गई. लोगों के उग्र होने पर मौके से भागे! हादसे के बाद स्थानीय लोग मौके पर जमा हो गए. घटना का एक वीडियो भी सामने आया है, जिसमें माधुरी की दोस्त स्थानीय लोगों के साथ बहस करती नजर आ रही है. वीडियो में उसे कहते हुए सुना जा सकता है कि उन्होंने सूर्या को अस्पताल ले जाने के लिए एम्बुलेंस बुलाई है. आरोपियों का दावा है कि एंबुलेंस को कॉल करने के बाद स्थानीय लोगों के उग्र होने के कारण वे मौके से चले गए. पत्नी की शिकायत पर दर्ज किया केस चेन्नई पुलिस के अधिकारियों ने आजतक को बताया कि उन्होंने सांसद की बेटी और उसकी सहेली को उस नंबर से ट्रैक किया, जिससे उन्होंने एम्बुलेंस के लिए कॉल किया था. यह भी पता चला कि कार पुडुचेरी में रजिस्टर्ड थी. मृतक सूर्या की पत्नी विनीता की शिकायत के आधार पर पुलिस ने केस दर्ज कर लिया है.

आकाशवाणी के मासिक रेडियो कार्यक्रम ‘मन की बात’ का प्रसारण 30 जून से फिर से शुरू होगा: प्रधानमंत्री मोदी

नई दिल्ली प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने मंगलवार को कहा कि आकाशवाणी के मासिक रेडियो कार्यक्रम ‘मन की बात’ का प्रसारण 30 जून से फिर से शुरू होगा। उन्होंने लोगों से इसके लिए अपने विचार और सुझाव साझा करने का आग्रह किया। उन्होंने ‘एक्स’ पर एक पोस्ट में कहा, ‘‘यह बताते हुए खुशी हो रही है कि चुनाव के कारण कुछ महीनों के अंतराल के बाद मन की बात वापस आ गया है! इस महीने का कार्यक्रम रविवार, 30 जून को होगा।”   आखिरी बार 25 फरवरी को प्रसारित किया गया उन्होंने कहा, ‘‘मैं आप सभी से इसके लिए अपने विचार और सुझाव साझा करने का आह्वान करता हूं।” प्रधानमंत्री मोदी का यह मासिक कार्यक्रम ‘मन की बात’ आखिरी बार 25 फरवरी को प्रसारित किया गया था और फिर लोकसभा चुनाव संपन्न होने तक इसके प्रसारण पर विराम लगा दिया गया था।   पहला वोट देश के नाम होना चाहिए कार्यक्रम के 110वें संस्करण में मोदी ने पहली बार मतदान करने वाले मतदाताओं से चुनाव में रिकॉर्ड संख्या में मतदान करने की अपील की थी और कहा था कि उनका पहला वोट देश के नाम होना चाहिए। निर्वाचन आयोग की आदर्श आचार संहिता (एमसीसी) के दिशानिर्देश के अनुसार सरकार की ओर से आधिकारिक कार्यक्रमों या सार्वजनिक वित्त पोषित मंचों का उपयोग किसी ऐसी चीज के लिए नहीं हो सकता है, जिससे सत्तारूढ़ पार्टी का प्रचार हो या उसे राजनीतिक लाभ मिलता दिखाई दे।

लिफ्ट ली फिर AK-47 लेकर भागा युवक…,’ जम्मू के डोडा में पुलिस अफसर की लापरवाही

The Secretary and Deputy Sarpanch were overbearing and made the female Sarpanch sit on the floor during the Gram Sabha meeting and themselves sat on the chair

 डोडा जम्मू-कश्मीर के डोडा में एक हैरान कर देने वाला मामला सामने आया है. यहां एक ऐसे शख्स की तलाश की जा रही है, जो एक पुलिस अधिकारी की एके-47 लेकर लापता हो गया है. जगह-जगह घेराबंदी की जा रही है और शख्स को ट्रेस किया जा रहा है. उसके परिचितों के बारे में भी जानकारी की जा रही है. पुलिस मामले में शामिल संभावित आतंकी पहलू की भी जांच कर रही है.  जानकारी के मुताबिक, शख्स का नाम मोहम्मद रफी है. ये पुलिस की ऑटोमैटिक राइफल के साथ डोडा के टाउन इलाके से गायब हुआ है. इस घटना के बाद पुलिस के हाथ-पांव फूल गए. सुरक्षा का खतरा भी बढ़ गया है. यह घटना ऐसे समय में हुई है, जब जम्मू-कश्मीर में कई आतंकी संबंधित घटनाएं देखी जा रही हैं और सेनाएं पहले से ही हाई अलर्ट पर हैं. अधिकारियों का कहना है कि पुलिस ने उस शख्स का पता लगाने के लिए बड़े पैमाने पर अभियान चला रही है.  कैसे AK-47 लेकर गायब हो गया युवक? घटना डोडा की है. सूत्रों के अनुसार, एसटीएफ पोस्ट चिराला से एसपीओ सफदर हुसैन वाहन (जेके 06ए 3268) से जा रहे थे. रास्ते में मोहम्मद रफी पुत्र स्वर्गीय मोहम्मद इकबाल मिल गया. उसने कार में लिफ्ट ली. मोहम्मद रफी डोडा जिले के ट्रॉन इलाके का रहने वाला है. सफदर का कहना था कि कार में वो सरकारी राइफल (एके-47) भी रखे थे. जब वो पुल डोडा के पास एक दुकान से पानी लेने के लिए उतरे तो उन्होंने अपनी राइफल कार में ही छोड़ दी. इसी दौरान मोहम्मद रफी कार समेत राइफल लेकर भाग गया. खोजबीन की गई तो कार भल्ला इलाके में जगोटा के पास मिली है. ⁠मोहम्मद रफी AK-47 समेत गायब है. ऊपरी इलाके में आतंकवादियों के मूवमेंट की आशंका बताते चलें कि हाल के हमलों में शामिल आतंकवादियों की गतिविधियों के बारे में सुरक्षाकर्मियों से लेकर पुलिस तक जानकारी करने में जुटी है. जम्मू-कश्मीर के डोडा जिले में मंगलवार को सुरक्षाकर्मियों ने पूछताछ के लिए एक दंपति समेत तीन लोगों को उठाया था. उनसे पूछताछ की जा रही है. अधिकारियों का कहना ​​है कि तीन से चार आतंकवादियों का एक समूह डोडा जिले के ऊंचे इलाकों में मौजूद है. इन आतंकियों के मददगारों की जानकारी की जा रही है. सुरक्षाकर्मियों पर हमले कर रहे हैं आतंकवादी इससे पहले 11 जून की रात आतंकवादियों ने भद्रवाह-पठानकोट मार्ग पर चटरगल्ला के ऊपरी इलाके में स्थित एक संयुक्त जांच चौकी पर हमला कर दिया था. घटना में राष्ट्रीय राइफल्स के पांच जवान और एक विशेष पुलिस अधिकारी (एसपीओ) घायल हो गए थे. बुधवार शाम को भी तलाशी दल जब डोडा जिले के गंदोह क्षेत्र के कोटा टॉप गांव पहुंचा तो वहां आतंकवादियों ने गोलीबारी की. इसमें एक पुलिस अधिकारी समेत सात सुरक्षाकर्मी घायल हो गए थे.  आतंकवादियों से मिलीभगत के शक में पूछताछ सुरक्षाकर्मियों ने डोडा जिले के जय इलाके से जिन तीन लोगों को हिरासत में लिया है, उनसे पूछताछ की जा रही है. सूत्रों के अनुसार, इन संदेहियों पर आतंकवादियों को भोजन मुहैया कराने की आशंका है. इन तीनों में दंपति और एक किशोर शामिल हैं. तीनों लोगों से पूछताछ की जा रही है। सीडीएस ने किया जम्मू का दौरा वहीं, सोमवार को चीफ ऑफ डिफेंस स्टाफ अनिल चौहान ने जम्मू और उधमपुर इलाकों में सुरक्षा स्थिति और क्षेत्र में सुरक्षा बलों की तैयारियों की समीक्षा की थी. उन्होंने उत्तरी कमान में ऑपरेशनों में सेना और वायु सेना के प्रयासों की सराहना की थी. रविवार को केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने जम्मू-कश्मीर में सुरक्षा स्थिति और अमरनाथ यात्रा की तैयारियों की समीक्षा की थी. इस हाईलेवल बैठक के दूसरे दिन सीडीएस चौहान ने जम्मू का दौरा किया था. जनरल चौहान नगरोटा में 16 कोर मुख्यालय और बाद में उधमपुर में उत्तरी कमान पहुंचे थे. उन्हें उत्तरी सेना कमांडर और जनरल ऑफिसर कमांडिंग (जीओसी) सहित सेना के शीर्ष कमांडरों ने जानकारी दी. पीएम मोदी ने जम्मू-कश्मीर की स्थिति की समीक्षा की इससे पहले प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने जम्मू-कश्मीर में सुरक्षा हालात की समीक्षा की थी. बैठक में राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजीत डोभाल और अन्य अधिकारी शामिल हुए थे. अफसरों ने गृह मंत्री अमित शाह से भी बात की और सुरक्षा बलों की तैनाती और आतंकवाद विरोधी अभियानों पर चर्चा की थी. पीएम मोदी ने जम्मू-कश्मीर के उपराज्यपाल मनोज सिन्हा से भी बात की थी और केंद्र शासित प्रदेश की स्थिति के बारे में जानकारी ली थी. बैठक में प्रधानमंत्री को सुरक्षा संबंधी स्थिति की पूरी जानकारी दी गई और आतंकवादियों के खिलाफ चलाए जा रहे ऑपरेशन से भी अवगत कराया था. चार जगहों पर हुए आतंकी हमले पिछले कुछ दिनों में जम्मू-कश्मीर के रियासी, कठुआ और डोडा जिलों में चार जगहों पर आतंकवादियों ने हमला किया. जांच के सिलसिले में 50 लोगों को हिरासत में लिया गया. एक सीआरपीएफ और दो आतंकवादियों समेत 10 लोग मारे गए और 50 अन्य घायल हो गए. कठुआ में सुरक्षा बलों के साथ मुठभेड़ में दो संदिग्ध पाकिस्तानी आतंकवादी भी मारे गए थे. उनके पास से भारी मात्रा में हथियार और गोला-बारूद बरामद हुआ था. रियासी में बस पर हुआ था हमला हाल ही में आतंकवादियों ने तीर्थयात्रियों से भरी बस पर उस समय गोलीबारी की थी, जब वो शिव खोरी मंदिर से कटरा में माता वैष्णो देवी मंदिर में दर्शन करने जा रहे थे. इस बस में उत्तर प्रदेश, राजस्थान और दिल्ली समेत अन्य जगहों के 53 तीर्थयात्री सवार थे. गोलीबारी में ड्राइवर का संतुलन बिगड़ा और बस गहरी खाई में गिर गई थी. जिसमें 9 लोगों की मौत हो गई थी और 41 अन्य घायल हो गए थे.  

आतंकवादी निज्जर को कनाडा की संसद में किया गया याद, सांसदों ने रखा मौन

CBI also raided the house of NCL CMD's PA Subedar Ojha

ओटावा इटली के अपुलिया में G7 समिट में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की मुलाकात कनाडा के प्रधानमंत्री जस्टिन ट्रूडो से हुई. हरदीप सिंह निज्जर की हत्या को लेकर कनाडा की ओर से भारत पर लगाए गए आरोपों के बाद दोनों नेताओं की इस मुलाकात पर सभी की नजरें थी. पीएम मोदी से मिलने के बाद ट्रूडो ने संबंधों में सुधार की बात की लेकिन कनाडाई संसद से अलग ही तस्वीर सामने आई है. कनाडा की संसद में खालिस्तान टाइगर फोर्स संगठन से जुड़े आतंकी हरदीप सिंह निज्जर के लिए एक मिनट का मौन रखा गया. हाउस ऑफ कॉमन्स में पहले स्पीकर ग्रेग फर्गस ने निज्जर को लेकर शोक संदेश पढ़ा और उसके बाद सभी सांसदों से निज्जर के लिए मौन रखने को कहा. इससे पहले कनाडा के प्रधानमंत्री जस्टिन ट्रूडो ने कहा था कि वह भारत की नई सरकार के साथ आर्थिक संबंधों और राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़े मुद्दों पर बातचीत करने का मौका है. उन्होंने ये बात G7 में पीएम मोदी से मुलाकात से बाद ये बात कही. ट्रूडो ने कहा कि G7 समिट की सबसे अच्छी बात ये है कि आपको यहां बड़े पैमाने पर वैश्विक नेताओं के साथ सीधे जुड़ने का अवसर मिलता है. ऐसे देशों के राष्ट्राध्यक्षों से भी मिलने का मौका मिलता है, जिनके साथ कुछ मुद्दों पर असहमतियां हैं, जिनमें भारत भी शामिल है. भारत और कनाडा के लोगों के बीच एक संबंध है, जो बहुत महत्वपूर्ण आर्थिक संबंध है. उन्होंने कहा कि भारत के साथ हमारे लोगों के बीच संबंध बहुत गहरे हैं. कई बड़े मुद्दों पर सहमति है, जिन पर हमें वैश्विक समुदाय के तौर पर एक लोकतंत्र के रूप में काम करने की जरूरत है. ऐसे कई बड़े मु्द्दे हैं, जिन पर हमें काम करने की जरूरत है. अब भारत में चुनाव हो गए हैं. ऐसे में मुझे लगता है कि राष्ट्रीय सुरक्षा और कनाडा के नागरिकों की सुरक्षा जैसे कुछ बहुत गंभीर मसलों पर चर्चा करने का अवसर है.   यह पूछने पर कि क्या ब्रिटिश कोलंबिया के सर्रे में निज्जर की हत्या मामले की जांच में भारत से सहयोग मिलने की दिशा में सुधार हुआ है. इस पर ट्रूडो ने कहा कि इस दिशा में काम हो रहा है.   बता दें कि पीएम मोदी और जस्टिन ट्रूडो के बीच इटली में जी7 समिट से इतर बातचीत हुई थी. पिछले साल निज्जर की हत्या को लेकर भारत पर लगाए गए आरोपों के बाद दोनों नेताओं के बीच ये पहली मुलाकात थी. इस मुलाकात के बाद पीएम मोदी ने सोशल मीडिया पर दोनों नेताओं के हाथ मिलाती एक तस्वीर भी पोस्ट की थी, जिसमें कहा गया था कि जी7 समिट में कनाडा के प्रधानमंत्री जस्टिन ट्रूडो से मुलाकात हुई. ट्रूडो ने भारत पर लगाया था निज्जर की हत्या का आरोप पिछले साल संसद में बोलते हुए जस्टिन ट्रूडो ने खालिस्तानी आतंकी हरदीप सिंह निज्जर की हत्या का इल्जाम भारत पर लगाया था. इसके बाद भारत और कनाडा के बीच राजनयिक तनाव बढ़ गया था. तब से ही भारत और कनाडा के बीच रिश्ते उतार-चढ़ाव भरे रहे हैं. भारत ने भी ट्रूडो और उनकी पार्टी पर खालिस्तानियों को लुभाने के लिए वोट बैंक की राजनीति करने का आरोप लगाया था. इसी साल जनवरी में कनाडा के पूर्व राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार जोडी थॉमस ने कहा था कि भारत निज्जर की हत्या की जांच में कनाडा के साथ सहयोग कर रहा है. पिछले साल हुई थी निज्जर की हत्या पिछले साल जून में कनाडा के सरे में एक गुरुद्वारे के बाहर गोली मारकर निज्जर की हत्या कर दी गई थी. निज्जर खालिस्तानी आतंकी था. खालिस्तान टाइगर फोर्स का चीफ था. वह बीते कई सालों से कनाडा में रह रहा था और वहां से भारत के खिलाफ खालिस्तानी आतंकवाद को हवा दे रहा था. खुफिया सूत्रों के मुताबिक, निज्जर भारतीय जांच एजेंसियों के लिए पिछले एक साल में इसलिए और भी ज्यादा बड़ा सिरदर्द बन गया था क्योंकि उसने लॉरेंस बिश्नोई गैंग के गुर्गों को विदेशों में लॉजिस्टिक और पैसा मुहैया करवाना शुरू कर दिया था. ट्रूडो जब 2018 में भारत दौरे पर आए थे. उस समय उन्हें पंजाब के तत्कालीन मुख्यमंत्री अमरिंदर सिंह ने खालिस्तानी आतंकियों की एक सूची सौंपी थी, जिसमें निज्जर का भी नाम शामिल था. केंद्रीय गृहमंत्रालय ने 2020 में निज्जर को आतंकी घोषित कर दिया था. 2010 में पटियाला के एक मंदिर के बाहर हुए बम विस्फोट में उसके खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई थी. उस पर हिंसा भड़काने, आतंकी गतिविधियों को बढ़ावा देने सहित कई मामलों में पुलिस को तलाश थी. भारत ने हरदीप सिंह निज्जर को डेजिग्नेटिड टेरेरिस्ट यानी आतंकवादी घोषित किया था. NIA ने उस पर 10 लाख का इनाम भी घोषित कर रखा था.  

अर्जेंटीना की गिनती कभी दुनिया के अमीर देशों में होती थी, 10 साल में नौ गुना बढ़ गई गरीबी, जूठन खाने को हैं मजबूर

नई दिल्ली दुनिया के ज्यादातर देशों में हाल में गरीबों की संख्या में तेजी से गिरावट आई है। लेकिन दक्षिण अमेरिका में स्थिति उल्टी है। यहां के अधिकांश देशों में 2012 से 2022 के बीच गरीबों की संख्या तेजी से बढ़ी है। इनमें अर्जेंटीना और वेनेजुएला जैसे देश भी शामिल हैं जिनकी गिनती कभी दुनिया के अमीर देशों में होती थी। अर्जेंटीना एक जमाने में दुनिया के टॉप 10 अमीर देशों में शामिल था जबकि वेनेजुएला के पास दुनिया का सबसे बड़ा तेल भंडार है। अर्जेंटीना और वेनेजुएला के अलावा चिली और ब्राजील में भी 2012 से 22 के बीच गरीबों की आबादी बढ़ी है। वेनेजुएला में 2012 में ऐसी आबादी 29% थी जो रोजाना खर्च 5.5 डॉलर से कम पर काम चला रहे थे। लेकिन 2022 में यह आबादी 90% पहुंच गई। इस दौरान अर्जेंटीना में यह आबादी 4% से बढ़कर 36%, ब्राजील में 26% से बढ़कर 36% और चिली में 2% से बढ़कर 5% पहुंच गई। दुनिया का सबसे बड़ा तेल भंडार वेनेजुएला में है। फिर भी यह उन देशों में शामिल है जहां महंगाई सबसे ज्यादा है। कभी यह अमीर देशों की श्रेणी में आता था लेकिन 1980 के बाद से इसका विकास एक तरह से ठहर गया है। वेनेजुएला में साल 1980 में जीडीपी प्रति व्यक्ति 8,000 डॉलर थी और आज भी यह इसी स्तर पर है। हालत यह है कि देश के लाखों लोगों को दो वक्त की रोटी नसीब नहीं है। बेहतर जिंदगी की तलाश में लाखों लोग वेनेजुएला से पलायन कर गए हैं।  खाने-पीने की चीजें इतनी महंगी हैं कि अमीर लोगों के लिए भी दो जून की रोटी जुटाना भी भारी पड़ रहा है। कई गरीब लोग तो पेट भरने के लिए कचरे में पड़ी जूठन खाने को मजबूर हैं। पिछले 43 साल में महंगाई तो चरम पर पहुंच गई लेकिन लोगों की इनकम एक ढेला भी नहीं बढ़ी है। अर्जेंटीना का हाल अर्जेंटीना की स्थिति भी वेनेजुएला जैसी ही है। दुनिया में सबसे ज्यादा महंगाई इसी देश में है। अप्रैल में अर्जेंटीना में महंगाई की सालाना दर 289% पहुंच गई। दुनिया में कोई दूसरा देश महंगाई इस मामले में उसके आसपास भी नहीं है। तुर्की 75.45% दूसरे और वेनेजुएला 64.9% के साथ तीसरे नंबर पर है। देश में महंगाई का अंदाजा आप इसी से लगा सकते हैं कि यह भारत के मुकाबले करीब 60 गुना है। प्रथम विश्व युद्ध से पहले इस दक्षिण अमेरिकी देश की गिनती दुनिया के टॉप 10 अमीर देशों में होती थी। यह देश धनधान्य से भरपूर था। लेकिन 1946 से देश में लोकलुभावन नीतियों और खर्च का ऐसा दौर शुरू हुआ कि उसकी इकॉनमी गर्त में चली गई। देश के पास कैश रिजर्व नहीं है और सरकार पर भारी कर्ज है। देश की करीब 40 फीसदी आबादी गरीबी रेखा से नीचे जीवनयापन कर रही है।

SSP Samba ने संवेदनशील स्थानों पर रात्रि चौकियों की स्थापना करने का आदेश दिया

जम्मू जम्मू कश्मीर के सांबा में वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक ने वार्षिक अमरनाथ यात्रा से पहले सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने के तहत घुसपैठ की आशंका वाले मार्गों पर गश्त और निगरानी बढ़ाने तथा संवेदनशील स्थानों पर रात्रि चौकियों की स्थापना करने का  आदेश दिया। यह निर्देश चार आतंकवादी हमलों के बाद बढ़ते खतरे की आशंका के बीच 29 जून को शुरू होने वाली अमरनाथ यात्रा से पहले जारी किया गया है। रियासी, कठुआ और डोडा जिलों में हुए इन हमलों में केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (सीआरपीएफ) के एक जवान सहित 10 लोग मारे गए और 50 घायल हो गए। सुरक्षा बलों की कार्रवाई में दो आतंकवादी भी मारे गए। अधिकारियों ने बताया कि वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (सांबा) विनय कुमार ने अमरनाथ यात्रा की तैयारी पर संयुक्त सुरक्षा समीक्षा बैठक की अध्यक्षता की। उन्होंने तीर्थयात्रा के शांतिपूर्ण संचालन के लिए किए गए सुरक्षा इंतजामों का अवलोकन कर कहा कि सतर्कता, सामूहिक कार्यों और समय पर ही खुफिया जानकारी साझा करने की आवश्यकता के मद्देनजर सभी अधिकारियों को अंतरराष्ट्रीय सीमा पार राष्ट्र विरोधी तत्वों और उनके सहयोगियों के दुर्भावनापूर्ण इरादों को विफल करने का काम सौंपा गया है। कुमार ने सभी अधिकारियों से अमरनाथ यात्रा के दौरान कड़ी निगरानी और समन्वय बनाए रखने का आग्रह किया तथा राष्ट्र-विरोधी और असामाजिक तत्वों की साजिशों का मुकाबला करने के लिए परस्पर सहयोग के महत्व पर बल दिया।    

slot server thailand super gacor

spaceman slot gacor

slot gacor 777

slot gacor

Nexus Slot Engine

bonus new member

olympus

situs slot bet 200

slot gacor

slot qris

link alternatif ceriabet

slot kamboja

slot 10 ribu

https://mediatamanews.com/

slot88 resmi

slot777

https://sandcastlefunco.com/

slot bet 100

situs judi bola

slot depo 10k

slot88

slot 777

spaceman slot pragmatic

slot bonus

slot gacor deposit pulsa

rtp slot pragmatic tertinggi hari ini

slot mahjong gacor

slot deposit 5000 tanpa potongan

mahjong

spaceman slot

https://www.deschutesjunctionpizzagrill.com/

spbo terlengkap

cmd368

368bet

roulette

ibcbet

clickbet88

clickbet88

clickbet88

bonus new member 100

slot777

https://bit.ly/m/clickbet88

https://vir.jp/clickbet88_login

https://heylink.me/daftar_clickbet88

https://lynk.id/clickbet88_slot

clickbet88

clickbet88

https://www.burgermoods.com/online-ordering/

https://www.wastenotrecycledart.com/cubes/

https://dryogipatelpi.com/contact-us/

spaceman slot gacor

ceriabet link alternatif

ceriabet rtp

ceriabet

ceriabet link alternatif

ceriabet link alternatif

ceriabet login

ceriabet login

cmd368

sicbo online live

Ceriabet Login

Ceriabet

Ceriabet

Ceriabet

Ceriabet

casino online

clickbet88

login kudahoki88

Ceriabet

Ceriabet

Ceriabet