LATEST NEWS

आत्महत्या की बढ़ती घटनाओं को रोकने पुलिस नई पहल की शुरुआत करने जा रही

इंदौर आत्महत्या की बढ़ती घटनाओं को रोकने के लिए पुलिस नई पहल की शुरुआत करने जा रही है। इसमें गूगल, डॉक्टर और काउंसलर की सहायता ली जाएगी। आयुक्त राकेश गुप्ता ने पिछले तीन वर्षों के आंकड़े निकलवाए हैं। इनके आधार पर इंटेलिजेंस से आत्महत्या करने वालों की उम्र, स्थान, कारण का विश्लेषण करवाया जा रहा है। अतिरिक्त पुलिस आयुक्त (कानून) अमित सिंह के मुताबिक, इंदौर प्रदेश का सबसे बड़ा शिक्षा केंद्र है। देशभर के छात्र-छात्राएं कालेज और कोचिंग संस्थानों में पढ़ने आते हैं। कई बार पढ़ाई और स्वजन के दबाव में भी बच्चे आत्महत्या कर लेते हैं। पिछली घटनाओं में देखा गया कि कई लोगों ने आत्महत्या के पूर्व गूगल सर्च इंजन से जानकारी जुटाई थी। लिहाजा गूगल से करार किया जाएगा। जब भी कोई व्यक्ति तनाव, आत्महत्या की मंशा व्यक्त करने, स्वयं को नुकसान पहुंचाने और उससे जुड़े फोटो-वीडियो सर्च करेगा, गूगल तुरंत पुलिस को खबर करेगा। साइबर एक्सपर्ट मोबाइल नंबर और फोन के आधार पर उस व्यक्ति तक पहुंच सकेंगे। एडी. सीपी के मुताबिक, पुलिस मनोचिकित्सकों और काउंसलर से भी संपर्क में रहेगी। डॉक्टर से ऐसे लोगों का ब्योरा साझा करेगी, जो लगातार अवसाद में चल रहे हैं, उनके अंदर बार-बार आत्महत्या का भाव आता है। ऐसे लोगों को स्वजन और काउंसलर की मदद से समझाया जाएगा। अकेला छोड़ने पर हुईं घटनाएं एडी. सीपी अमित सिंह के मुताबिक, पिछली कुछ घटनाओं में देखा गया कि अवसाद का उपचार कर रहे कुछ लोगों ने अकेला छोड़ते ही आत्महत्या कर ली। एक युवती का उपचार कर रहे डॉक्टर ने दवाओं के साथ-साथ अकेला न छोड़ने के बारे में भी लिखा था। खरगोन के एक एएसआई ने भी अकेले में आत्महत्या कर ली थी। जबकि वह आत्महत्या के एक मामले की जांच करने गया था। ऐसे में डॉक्टर से अवसाद के मरीजों का डेटा लेकर काउंसलिंग की जाएगी। मेटा से मिलता है साइबर सेल को अलर्ट मेटा (फेसबुक) से पुलिस को अलर्ट मिलता है। जब भी कोई व्यक्ति आत्महत्या करने के बारे में मैसेज, फोटो और वीडियो साझा करता है तो मेटा साइबर सेल को अलर्ट कर देता है। पुलिस अब गूगल की सहायता लेकर घटनाएं रोकेगी।

सिंग्रामपुर में राजा दलपत शाह की समाधी स्थल एवं रानी दुर्गावती की विशाल प्रतिमा स्थापित

दलपत शाह और रानी दुर्गावती की स्मृतियों को सहेजे है सिंग्रामपुर वीरांगना रानी दुर्गावती भारतीय इतिहास की एक महान शासक थीं सिंग्रामपुर में राजा दलपत शाह की समाधी स्थल एवं रानी दुर्गावती की विशाल प्रतिमा स्थापित “जाने दमोह जिले के सिंग्रामपुर को” भोपाल सिंग्रामपुर, दमोह जिले की तहसील जबेरा अंतर्गत आने वाली एक ग्राम पंचायत है, जिसकी दूरी दमोह मुख्यालय से लगभग 54 कि.मी. एवं जबलपुर जिले से लगभग 51 कि.मी. है, जो गोंड शासक राजा दलपत शाह एवं रानी दुर्गावती की राजधानी रही है। सिंग्रामपुर के समीप ही रानी दुर्गावती का किला है जो सिंगौरगढ़ किले के नाम से प्रसिद्ध है। सिंग्रामपुर में राजा दलपत शाह की समाधी स्थल एवं रानी दुर्गावती की विशाल प्रतिमा स्थापित है। क्षेत्र के पर्यटन स्थल     सिंगौरगढ़ का किला     नज़ारा व्यू प्वांइट     भैंसाघाट स्थित निदान कुंड जल प्रपात     सद्भावना शिखर     वीरांगना दुर्गावती टाइगर रिजर्व मध्यप्रदेश का महाकौशल एवं आंशिक रूप से बुन्देलखण्ड क्षेत्र तत्कालीन गोंड साम्राज्य के अंतर्गत आता था। वर्तमान में यह क्षेत्र जबलपुर एवं सागर संभाग के अधीन है। इस साम्राज्य के अधीन 52 गढ़ आते थे। इस साम्राज्य में संग्राम शाह, दलपत शाह और रानी दुर्गावती ने सन् 1500 से 1564 तक शासन किया तथा मुगल आक्रमणकारियों से राज्य की रक्षा की। ब्रिटिश साम्राज्य के विरूद्ध इनका संघर्ष उल्लेखनीय रहा है। सिंग्रामपुर कैसे पहुंचे सिंग्रामपुर सड़क मार्ग के माध्यम से सीधा पहुंचा जा सकता है जो दमोह मुख्यालय से 54 कि.मी. एवं जबलपुर से 51 कि.मी. की दूरी पर है। भोपाल राजधानी से नर्मदापुरम होते हुये जबलपुर से सिंग्रामपुर पहुंचा जा सकता है। भोपाल से सागर होते हुये दमोह से सिंग्रामपुर पहुंचा जा सकता है। राजा दलपत शाह राजा दलपत शाह गोंडवाना साम्राज्य के 49वें राजा थे, जो रानी दुर्गावती के पति थे। उन्होंने सिंग्रामपुर के समीप स्थित सिंगौरगढ़ के किले से शासन किया। सिंग्रामपुर के समीप ही इनका समाधी-स्थल मौजूद है। रानी दुर्गावती वीरांगना रानी दुर्गावती भारतीय इतिहास की एक महान शासक थीं, जिन्होंने अपनी मातृभूमि और आत्म-सम्मान की रक्षा के लिये अपने प्राणों का बलिदान दिया। दमोह जिले की तहसील जबेरा के ग्राम सिंग्रामपुर के पास सिंगौरगढ़ का किला स्थापित है। सिंगौरगढ़ के किले पर रानी दुर्गावती का आधिपत्य था। रानी दुर्गावती महोबा के चन्देलवंशीय राजा कीरत सिंह चन्देल की एक मात्र सन्तान थी। रानी दुर्गावती की जयंती 5 अक्टूबर को मनाई जाती है। रानी दुर्गावती का जन्म 5 अक्टूबर 1524 को कालिंजर (वर्तमान में जिला बांदा) के किले में हुआ था। गोंडवाना राज्य के राजा संग्रामशाह मड़ावी चंदेल राजकुमारी दुर्गावती से बहुत प्रभावित थे, सन् 1542 में संग्रामशाह ने अपने पुत्र दलपतशाह मड़ावी से दुर्गावती का विवाह कराया। सन् 1545 में रानी दुर्गावती ने एक पुत्र को जन्म दिया, जिसका नाम वीरनारायण रखा। सन् 1950 में राजा दलपतशाह की असामयिक मृत्यु के बाद रानी दुर्गावती ने उल्प-वयस्क राजा की संरक्षिका के रूप में 1564 तक गोंड साम्राज्य की बागडोर सम्भाली। रानी दुर्गावती को मुगल साम्राज्य के खिलाफ अपने राज्य की रक्षा के लिए गर्व से स्मरण किया जाता है। उन्होंने अपने मान-सम्मान, धर्म की रक्षा एवं स्वतंत्रता के लिए युद्ध भूमि को चुना और अनेकों बार शत्रुओं को पराजित करते हुए अपना बलिदान दे दिया।

Ladli Behna Yojana: लाड़ली बहनों को नवरात्रि पर मिलेगी बड़ी खुशखबरी, तारीख हुई घोषित, आ गया अपडेट!

भोपाल  मध्यप्रदेश में लाड़ली बहनों के लिए फिर खुशखबरी आ रही है। इस बार अक्टूबर में बहुत सारे त्यौहार पड़ रहे है, जिनको लेकर प्रदेश की लाड़ली बहनें काफी उत्साहित है। इसी खुशी को दोगुना करेगी लाड़ली बहना योजना की 17 वीं किस्त।  बता दें कि मुख्यमंत्री लाड़ली बहना योजना मध्य प्रदेश सरकार द्वारा महिलाओं के लिए शुरू की गई एक बड़ी योजना है। इसके तहत हर महीने की 10 तारीख 1.29 करोड़ लाभार्थी बहनों को 1250 रुपए दिए जाते है। लाड़ली बहना योजना पिछली शिवराज सिंह चौहान सरकार द्वारा मई 2023 में शुरू की गई थी। कब आएगी 17 वीं किस्त जानकारी के लिए बता दें कि 17 वीं किस्त दशहरे से पहले आने वाली है। वैसे तो ये किस्त 10 अक्टूबर को जारी की जाएगी। इसके तहत फिर 1.29 करोड़ लाभार्थी बहनों के खाते में 1250 रुपए भेजे जाएंगे। इससे पहले सागर से सीएम मोहन यादव ने 9 सितंबर को 16वीं किस्त के 1574 करोड़ रुपए जारी किए थे। वहीं दूसरी ओर माना ये भी जा रहा है कि इस बार भी नवरात्रि को देखते हुए अक्टूबर में समय से पहले किस्त जारी हो सकती है। इस बारे में सीएम अपने बयान में कई बार कह चुके है कि हर महीने की 10 तारीख को बहनों के बैंक खाते में राशि जमा हो जाएगी और यदि छुट्टी अथवा अन्य किसी कारण से ऐसा संभव नहीं हुआ तो पहले जमा हो जाएगी। इससे पहले सितंबर में 10 की बजाय किस्त 9 सितंबर जारी की गई थी। हालांकि इस बारे में अभी कोई आधिकारिक बयान नहीं आया है। लाडली बहना योजना 17 किस्त का पैसा कब आएगा? सभी महिलाओं का इंतजार जल्द समाप्त होने वाला है, क्योंकि मध्य प्रदेश सरकार द्वारा महिलाओं के बैंक खाते में 17वीं किस्त का पैसा ट्रांसफर किया जाने वाला है। मुख्यमंत्री मोहन यादव जी द्वारा निर्धारित समय पर किस्त का पैसा ट्रांसफर किया जा रहा है जिसमें 10 अक्टूबर 2024 तक बहनों के बैंक खाते में 1250 रुपए की राशि स्थानांतरित कर दी जाएगी। लाडली बहना योजना 17 किस्त मैं कितना पैसा मिलेगा? लाडली बहनों के लिए लगातार किस्तों में पैसा प्रदान किया जा रहा है। उसी प्रकार आगे आने वाली किस्त में महिलाओं के लिए कितना पैसा मिलेगा यह जानकारी तलाश कर रही महिलाओं के लिए काफी अच्छा मौका प्रदान किया जा रहा है। बता दें मुख्यमंत्री मोहन यादव जी द्वारा बहुत जल्द महिलाओं के लिए ₹1500 प्रतिमाह देने की घोषणा की जाने वाली है। यदि आप भी इस योजना से पंजीकृत महिला है, तो आपके लिए 17वीं किस्त में 1250 रुपए मिलने वाले हैं। लेकिन मोहन यादव जी द्वारा कोई नया अपडेट जारी करते हुए आपकी किस्त में इजाफा किया जा सकता है। लाडली बहना योजना 17वीं किस्त न्यू अपडेट 2024 मध्य प्रदेश सरकार द्वारा महिलाओं के हित में कई प्रकार की कल्याणकारी योजनाओं का ऐलान किया गया है और महिलाओं को लाभ दिलाया जा रहा है। यदि आप भी 17वीं किस्त का इंतजार कर रही महिला है तो यहां पर काफी बड़ा अपडेट सामने आया है। अपडेट के मुताबिक बताया जा रहा है कि महिलाओं के लिए किस्त मिलने की डेट से कुछ दिन पहले पैसा दिए जाने की उम्मीद है तो आपके लिए केवल इंतजार करना होगा, कुछ ही दिनों पश्चात आपके बैंक खाते में 1250 रुपए की राशि ट्रांसफर होने की प्रक्रिया शुरू कर दी जाएगी और आपको यह पैसा मिल सकेगा। लाडली बहना योजना तीसरा चरण कब शुरू होगा? मध्य प्रदेश की लाखों महिलाएं लाडली बहन योजना से वंचित है यदि आप पात्र होकर ऐसी योजना से लाभ नहीं ले पा रही है तो आपके लिए काफी अच्छा मौका अक्टूबर 2024 में मिलने की उम्मीद बताई जा रही है। मध्य प्रदेश में सीएम मोहन यादव जी द्वारा बहनों के लिए किस्त का पैसा ट्रांसफर किया जाएगा। उसके साथ ही ऐलान किया जा सकता है कि महिलाओं के लिए फिर से आवेदन का मौका मिले और वह सभी महिलाएं जो कि इस योजना से लाभ नहीं ले पा रही है वह लाभ उठा सके। लाडली बहना योजना 17 किस्त 2024 स्थिति कैसे देखें? लाडली बहना योजना के तहत किस्त की स्थिति देखने हेतु आपको दिए गए निर्देशों का पालन करना होगा, जो कुछ इस प्रकार है:-     सबसे पहले लाडली बहना योजना का पोर्टल खोलें।     होम पेज पर जाएं।     यहां पर आवेदन की स्थिति विकल्प का चयन करें।     समस्त जानकारी जो की मांगी जा रही है वह दर्ज करते हुए सबमिट करें।     सबमिट करते ही समस्त किस्तों का विवरण एवं आने वाली किस्त से जुड़ी जानकारी प्रदर्शित हो जाएगी। मध्य प्रदेश में बहनों का इंतजार जल्द समाप्त होने वाला है क्योंकि आगे आने वाली किस्त का पैसा महिलाओं के बैंक खाते में ट्रांसफर कर दिया जाएगा। यदि आप इस योजना से पंजीकृत महिला है, तो आपके बैंक खाते में जल्द पैसा ट्रांसफर होने वाला है, जिसकी पूरी अपडेट आपके लिए यहां पर दी जा चुकी है अधिक जानकारी आपके लिए नवीनतम खबरों के माध्यम से प्रदान कर दी जाएगी।

देश में फेफड़ा ट्रांसप्लांट में महिलाओं की संख्या पुरुषों के बराबर, अंग दान करने वालों में 63 प्रतिशत महिलाएं

भोपाल आज से नवरात्र प्रारंभ हो गए हैं। नौ दिन तक अलग-अलग रूप में देवी की शक्ति के रूप में आराधना की जाएगी। ऐसी ही हमारे देश की नारी शक्ति है जो समर्पण का अप्रतिम उदाहरण बन रही है। नेशनल आर्गन एंड टिश्यू ट्रांसप्लांट आर्गनाइजेशन (नोटो) द्वारा जनवरी से दिसंबर, 2023 के बीच देशभर में हुए अंग दान और अंग प्रत्यारोपण के आंकड़े इसका प्रमाण प्रस्तुत कर रहे हैं। कुल किडनी प्रत्यारोपण करवाने वालों में महिलाएं 37 प्रतिशत, लिवर में 30 प्रतिशत, हार्ट में 24 प्रतिशत और पैंक्रियाज में 26 प्रतिशत हैं। फेफड़ा ट्रांसप्लांट में जरूर महिलाओं की संख्या लगभग पुरुषों के बराबर है। बता दें, देश में वर्ष 2013 में 4,990 अंग दान हुए थे जो लगातार बढ़ते हुए 2023 में 18,378 हो गए हैं। दिल्ली सबसे आगे वर्ष 2023 में जीवित व्यक्ति के अंग दान के बाद प्रत्यारोपण के मामले में सबसे आगे दिल्ली रहा। यहां 4,275 अंग प्रत्यारोपित हुए। इसके बाद तमिलनाडु में 1,833, महाराष्ट्र में 1,493, केरल में 1,376 और बंगाल में 1,021 अंग प्रत्यारोपित हुए। ब्रेन डेथ लोगों के अंग दान के मामले में सबसे आगे तेलंगाना है। हालांकि, इनके अंगों के प्रत्यारोपण तमिलनाडु में सर्वाधिक 595 किए गए। इसके बाद क्रमश: तेलंगाना, कर्नाटक, महाराष्ट्र और गुजरात हैं। जिन राज्यों में प्रत्यारोपण की सुविधाएं कम हैं वे पिछड़े हैं। मध्य प्रदेश में अब तक कुल 60 ब्रेन डेथ अंग दान हुए हैं। दो तरह से होता है अंग दान ब्रेन स्टेम डेथ अंग दान जब व्यक्ति का ब्रेन काम करना बंद कर देता हैं पर हृदय कुछ देर तक काम करता रहता है। उस अवस्था में छह अंग (हार्ट, लिवर, किडनी, फेफड़ा, पैंक्रियाज और छोटी आंत) दान किए जा सकते हैं। लिविंग अंग दान जब जीवित व्यक्ति अंग दान करता है तो उसे लिविंग अंग दान कहा जाता है। जैसे एक किडनी या फिर लिवर का अंश। महिलाएं पुरुषों की तुलना में ज्यादा भावुक     लिविंग अंग दान में महिलाओं द्वारा पुरुषों से अधिक अंग दान किए जाने की वजह सामाजिक, आर्थिक और भावनात्मक है। आमतौर पर पुरुष कामकाजी होते हैं। ऐसे में परिवार के अधिकतर लोगों की धारणा रहती है यदि महिला की किडनी मिलान हो रही है तो किसी पुरुष की नहीं ली जाए। महिलाएं पुरुषों की तुलना में ज्यादा भावुक होती हैं। वह न केवल सहजता से अंग दान के लिए तैयार होती हैं, बल्कि देने के लिए जिद भी करती हैं। सामाजिक पक्ष यह है कि जब अंग लगाकर उनकी जान बचाने की बात आती है तो कई बार वे खुद किसी स्वजन का अंग लेने से मना कर देती हैं या फिर स्वजन उनके उपचार में कम गंभीरता दिखाते हैं।  – डॉ. राकेश भार्गव, सदस्य, अंगदान राज्य प्राधिकार समिति  

लेबनानी विदेश मंत्री का दावा… मरने से पहले युद्धविराम पर सहमत था नसरल्लाह

तेहरान इजरायली हवाई हमले में मारा गया हिजबुल्लाह प्रमुख नसरल्लाह अपनी मौत से पहले इजरायल के साथ युद्धविराम चाहता था। लेबनान के विदेश मंत्री अब्दुल्ला बौ हबीब ने कहा है कि नसरल्लाह हवाई हमले में मारे जाने के कुछ दिन पहले ही युद्धविराम के लिए मान गए थे। उन्होंने कहा कि अपने युद्धविराम के इस फैसले के बारे में उन्होंने अमेरिकी और फ्रांसीसी प्रतिनिधियों को भी बता दिया था। सीएनएन को दिए अपने इंटरव्यू में हबीब ने कहा कि हिजबुल्लाह चीफ हसन नसरल्लाह 21 दिनों के सीजफायर के लिए मान गए थे। लेबनानी संसद के स्पीकर नबीह बेरी ने नसरल्लाह से मुलाकात की थी, जिसमें उन्होंने जंग रोकने के लिए अपनी सहमति जताई थी। इसके बाद बेरी ने अमेरिकी और फ्रांसीसी प्रतिनिधियों को यह जानकारी दी थी कि हिजबुल्लाह युद्धविराम के लिए तैयार है। लेबनानी विदेशमंत्री ने यह दावा किया कि हमें यह सूचना मिली थी कि इजरायली प्रधानमंत्री नेतन्याहू भी सीजफायर के लिए तैयार हैं, लेकिन बाद में उन्होंने अपना मन बदल लिया और हमारी जमीन पर हमला करना जारी रखा। दरअसल, 27 सितंबर को हुए इस हमले के पहले न्यूयॉर्क में बाइडन और मैक्रों की मुलाकात हुई थी, जिसके बाद अमेरिका और उसके सहयोगियों ने मिलकर 25 सितंबर को 21 दिनों के सीजफायर को लेकर अपना प्लान रखा था। लेकिन नेतन्याहू ने इस प्लान को खारिज कर दिया और पूरी ताकत के साथ लड़ाई जारी रखने का आदेश दिया, विशेषज्ञों के मुताबिक पेजर और अन्य संचार संसाधनों में हुए विस्फोट के बाद हिजबुल्लाह बैकफुट पर था, नेतन्याहू नहीं चाहते थे कि उसे संभलने का कोई भी मौका दिया जाए। हमले के वक्त अपने दहियाह के खुफिया बंकर में था नसरल्लाह हबीब ने बताया कि हमले के वक्त नसरल्लाह दहियाह के दक्षिणी इलाके में एक बंकर में था उसी वक्त वह इजरायली हवाई हमले का शिकार हो गए। इससे पहले जब हिजबुल्लाह ने नसरल्लाह की मौत की पुष्टि की थी तो उनकी तरफ से यह नहीं बताया गया था कि नसरल्लाह की मौत का कारण क्या है। रॉयटर्स के मुताबिक उसके शरीर पर कोई घाव नहीं था, उसके शरीर को देखकर ऐसा लगता है कि विस्फोट की तीव्रता से अंदरूनी चोट की वजह से उसकी मौत हुई। ईरान के सर्वोच्च नेता ने दी थी लेबनान छोड़ने की सलाह रॉयटर्स ने बुधवार को एक रिपोर्ट में बताया था कि ईरान के सर्वोच्च नेता अयातुल्लाह अली खामेनेई ने इजरायली हमले में मारे जाने के कुछ दिन पहले ही नसरल्लाह को लेबनान से भाग जाने की चेतावनी दी थी। पेजर हमलों में हिजबुल्लाह के सदस्यों की मौत के बाद खामेनेई ने एक दूत के साथ नसरल्लाह को ईरान आने के लिए कहा था,जिसमें खुफिया रिपोर्टों का हवाला देते हुए कहा गया था कि इज़राइल के पास हिजबुल्लाह के भीतर गुर्गे थे और वह उसे मारने की योजना बना रहा था। ईरान के एक अधिकारी ने कहा कि खामेनेई ने दूत के रूप में एक वरिष्ठ ईरानी रिवोल्यूशनरी गार्ड कमांडर, ब्रिगेडियर जनरल अब्बास निलफोरुशान थे, जो बंकर में नसरल्लाह के साथ मारे गए थे।

इराक के लोग नसरल्लाह की याद में अपने बच्चों का नाम भी नसरल्लाह ही रख रहे हैं

 दमिश्क हाल ही में लेबनान में एक इजरायली हवाई हमले में हिजबुल्लाह के नेता हसन नसरल्लाह की मौत के बाद, इराक में नवजात बच्चों के नाम “नसरल्लाह” रखने का एक नया चलन देखने को मिला है। इराक के स्वास्थ्य मंत्रालय के अनुसार, देश भर में लगभग 100 बच्चों का नाम नसरल्लाह रखा गया है। नसरल्लाह पिछले तीन दशकों से आतंकी संगठन हिजबुल्लाह का नेतृत्व कर रहा था। उसे कई लोगों द्वारा इजरायली और पश्चिमी प्रभाव के खिलाफ प्रतिरोध का प्रतीक माना जाता था। उनकी लोकप्रियता इराक में विशेष रूप से देश के अधिकांश शिया समुदाय के बीच मजबूत थी। अब इराक के लोग नसरल्लाह की याद में अपने बच्चों का नाम भी नसरल्लाह ही रख रहे हैं। लोगों का कहना है कि वे ऐसा “प्रतिरोध के शहीद के सम्मान में” कर रहे हैं। नसरल्लाह की हत्या ने इराक में गुस्से की लहर पैदा कर दी, जिसके परिणामस्वरूप बगदाद और अन्य शहरों में बड़े पैमाने पर विरोध प्रदर्शन हुए। प्रदर्शनकारियों ने इजरायल की कार्रवाई की निंदा की और इसे अंतरराष्ट्रीय कानून का उल्लंघन करार दिया। इराक के प्रधानमंत्री मोहम्मद शिया अल-सुदानी ने नसरल्लाह को “धर्म के मार्ग पर एक शहीद” बताया। हिजबुल्लाह नेता की याद में तीन दिन का राजकीय शोक मनाया गया, जिसमें देश भर में श्रद्धांजलियां आयोजित की गईं। नसरल्लाह का इराक से गहरा संबंध है, जो धार्मिक और राजनीतिक विचारधाराओं से जुड़ा है। उसका जन्म 1960 में साधारण परिवार में हुआ था, और उसने इराक के नजफ शहर में एक शिया सेमिनरी में इस्लाम की पढ़ाई की थी। यहीं पर उसके राजनीतिक विचारों ने आकार लिया। 1982 में इजरायल के लेबनान में आक्रमण के बाद, हिजबुल्लाह का जन्म हुआ और नसरल्लाह इसमें शामिल हुआ। इस समूह की स्थापना ईरान की क्रांतिकारी गार्ड्स के समर्थन से की गई थी, जो प्रारंभ में इजरायली बलों के खिलाफ एक मिलिशिया के रूप में कार्यरत था। 1992 में अपने पूर्ववर्ती और गुरु अब्बास मुसावी की हत्या के बाद नसरल्लाह ने हिजबुल्लाह का नेतृत्व संभाला। अगले तीन दशकों में, उसने इस समूह को एक क्षेत्रीय शक्ति में बदल दिया, जो सीरिया से यमन तक के संघर्षों पर प्रभाव डाल रहा था और गाजा में फलस्तीनियों को प्रशिक्षण दे रहा था। नसरल्लाह के नेतृत्व में, हिजबुल्लाह की शक्ति ने सैन्य और राजनीतिक दोनों स्तरों पर वृद्धि की। इस संगठन ने हमास जैसे समूहों और इराक और यमन में मिलिशियाओं को मिसाइलें और रॉकेट प्रदान किए, जो इजरायल और उसके सहयोगियों के खिलाफ एक व्यापक “प्रतिरोध का धारा” का हिस्सा थे।

WTC Final में भारत को पहुंचने के लिए कम से कम 4 टेस्ट मैच जीतने होंगे और दो टेस्ट ड्रॉ कराने होंगे

नई दिल्ली बांग्लादेश के खिलाफ टेस्ट सीरीज में भारतीय टीम को मिली जीत के बाद विश्व टेस्ट चैंपियनशिप (डब्लूटीसी) की अंक तालिका में भारत काफी मजबूत स्थिति में पहुंच गया है। हालांकि डब्लूटीसी के फाइनल में जगह बनाने के लिए रोहित शर्मा एंड कंपनी को अभी कई और जीत की आवश्यकता है। मौजूदा डब्लूटीसी चक्र में 26 टेस्ट मैच शेष हैं और पहले दो स्थान में जगह बनाने की दौड़ काफी रोमांचक होती जा रही है। एक नजर डालते हैं कि अभी तमाम टीमें किस स्थिति में हैं। श्रीलंका- प्रतिशत अंक – 55.56, शेष सीरीज – दक्षिण अफ्रीका (2 टेस्ट, बाहर), ऑस्ट्रेलिया (2 टेस्ट, घर पर) न्यूजीलैंड की टीम को श्रीलंका ने बीती टेस्ट सीरीज में 2-0 से मात दी थी। इस शानदार जीत की वजह से श्रीलंका की टीम को 24 महत्वपूर्ण अंक हासिल हुए हैं। इस कारण से श्रीलंका की टीम भी अब डब्लूटीसी फाइनल में पहुंचने की दावेदार बन गई है। उनके शेष चार टेस्ट मैच उन दो टीमों के विरुद्ध हैं, जो खुद भी डब्लूटीसी फाइनल खेलने की प्रबल दावेदार हैं। अगर श्रीलंका की टीम धीमी ओवर गति के कारण बिना कोई अंक गंवाए चारों मैच जीत लेती है तो उनके पास 69.23 प्रतिशत अंक हो जाएंगे और तब वे अन्य टीमों के नतीजों पर निर्भर नहीं रहेंगे। हालांकि अगर वह एक मैच हार जाते हैं और तीन में उन्हें जीत मिलती है तब ऐसी स्थिति में उनके पास 61.54 प्रतिशत अंक होंगे लेकिन इसके बावजूद उनके फाइनल में पहुंचने की संभावना बनी रहेगी। भारत- प्रतिशत अंक: 74.24, शेष सीरीज : न्यूजीलैंड (3 टेस्ट, घर पर) और ऑस्ट्रेलिया (5 टेस्ट, बाहर) कानपुर में बेहतरीन जीत हासिल करने के बाद भारत अंक तालिका में शीर्ष पर और भी मजबूत हो गया है। शेष सभी मैच जीतने पर उनके 85.09 प्रतिशत अंक हो जाएंगे। हालांकि उनकी कोशिश यही होगी कि वह कम से कम इतने अंक हासिल कर लें कि डब्लूटीसी फाइनल खेलने के लिए उन्हें अन्य नतीजों पर निर्भर न रहना पड़े। इसके लिए उन्हें कम से कम चार टेस्ट मैच जीतने होंगे और दो टेस्ट मैच ड्रॉ (56 अंक) कराने होंगे। जिसकी बदौलत वह 67.54 प्रतिशत अंक तक पहुंच जाएंगे। दक्षिण अफ्रीका अगर अपने शेष सभी छह टेस्ट जीत लेती है तब वह 69.44 अंकों तक पहुंच सकती है। वहीं अगर ऑस्ट्रेलिया चार टेस्ट जीतती है और दो टेस्ट ड्रॉ समाप्त होता है (यह मानते हुए कि वह भारत से एक टेस्ट हारती है, और दो ड्रॉ होता है जबकि अन्य चार टेस्ट जीत लेती है) तब वह 64.04 अंकों तक ही पहुंच सकती है। अगर भारत को 56 से कम अंक हासिल होते हैं तब हो सकता है कि वह शीर्ष दो स्थानों में न रहें। अगर वह चार मैच जीतते हैं और एक मैच ड्रॉ होता है (52 अंक) तब ऐसा संभव है कि ऑस्ट्रेलिया और दक्षिण अफ्रीका भारत से आगे निकल जाएं। श्रीलंका भी 67 से अधिक प्रतिशत अंक के साथ अंक तालिका समाप्त कर सकती है लेकिन उन्हें यहां तक पहुंचने के लिए दक्षिण अफ्रीका और ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ जीत हासिल करनी होगी जो कि भारत के पक्ष में ही काम करेगा। बांग्लादेश- प्रतिशत अंक : 34.38, शेष सीरीज: वेस्टइंडीज (2 टेस्ट, बाहर), दक्षिण अफ्रीका (2 टेस्ट, घर पर) भारत के खिलाफ दो मैच हारने के बाद बांग्लादेश 45.83% प्रतिशत अंक से 34.38 तक पहुंच गई है। अगर वे अपने शेष चार मैच भी जीत लेते हैं तब भी वह 56.25 प्रतिशत अंकों तक ही पहुंच पाएंगे, जो कि शीर्ष दो स्थान तक पहुंचने के लिए काफी नहीं होंगे। न्यूजीलैंड- प्रतिशत अंक : 37.50, शेष सीरीज : भारत (3 टेस्ट, बाहर), इंग्लैंड (3 टेस्ट, घर पर) कागज पर न्यूजीलैंड अभी भी अपने शेष सभी छह मैच जीतकर 64.29 प्रतिशत अंक तक पहुंच सकती है, लेकिन उनका हालिया फॉर्म इस संभावना के सच होने की उम्मीद पैदा नहीं करता। उनके अगले तीन टेस्ट भारत में भारत के खिलाफ हैं, जिसे उसके घर पर हराना किसी भी अन्य मजबूत टीम के लिए मुश्किल रहता है। अगर न्यूजीलैंड शेष छह में से चार मैच जीतती है और दो हार जाती है तब भी उनके खाते में 50 प्रतिशत अंक होंगे। ऑस्ट्रेलिया- प्रतिशत अंक : 62.50, शेष सीरीज : भारत (5 टेस्ट, घर पर), श्रीलंका (2 टेस्ट, घर पर) ऑस्ट्रेलिया अभी 62.5 प्रतिशत अंकों के साथ तालिका में दूसरे स्थान पर है और अगर वह अपने सभी सात मैच जीत जाती है तब उसके खाते में 76.32 प्रतिशत अंक हो सकते हैं। जिन दो टीमों, भारत और श्रीलंका के खिलाफ उसे दो श्रृंखलाएं खेलनी हैं वे भी फाइनल में पहुंचने के प्रबल दावेदार हैं। पांच जीत उन्हें 65.79 प्रतिशतअंकों तक पहुंचाएगी लेकिन भारत और दक्षिण अफ्रीका तब भी ऑस्ट्रेलिया से आगे जाने की स्थिति में होंगे। भारत के खिलाफ श्रृंखला शुरु होने से चीजें स्पष्ट होने लगेंगी, क्योंकि तब तक भारत न्यूजीलैंड के खिलाफ घर पर टेस्ट श्रृंखला खेल चुका होगा। दक्षिण- अफ्रीका प्रतिशत अंक : 38.89, शेष सीरीज : श्रीलंका, (2 टेस्ट, घर पर), पाकिस्तान (2 टेस्ट, घर पर), बांग्लादेश (2 टेस्ट, बाहर) अगर दक्षिण अफ्रीका अपने सभी शेष मैच जीत लेता है तब उनके खाते में 69.44 प्रतिशत अंक होंगे जो कि फाइनल में जगह बनाने के लिए काफी होंगे। क्योंकि तब भारत और ऑस्ट्रेलिया में से कोई एक ही इस आंकड़े को पार कर पाएगा। पांच मैच में जीत और एक मैच ड्रा होने पर दक्षिण अफ्रीका के पास 63.89 प्रतिशत अंक होंगे और तब भी वह दावेदार बने रहेंगे। जबकि पांच में जीत और एक में हार नसीब होने पर उनके खाते में 61.11 प्रतिशतअंक होंगे, उनकी दावेदारी तब भी बनी रहेगी लेकिन ऐसी स्थिति में उन्हें अन्य नतीजों पर अधिक रहना पड़ेगा। इंग्लैंड- प्रतिशत अंक : 42.19, शेष सीरीज : पाकिस्तान (3 टेस्ट, बाहर), न्यूजीलैंड (3 टेस्ट, बाहर) श्रीलंका के खिलाफ अंतिम टेस्ट में इंग्लैंड की हार ने यह तय कर दिया है कि वह इस चक्र में 60 प्रतिशत अंकों से आगे नहीं जा सकते। अपने शेष सभी छह टेस्ट जीतकर वह 57.95 अंकों तक ही पहुंच सकते हैं। ऐसी स्थिति में भी उन्हें अन्य नतीजों पर निर्भर रहना होगा। पाकिस्तान- प्रतिशत अंक : 19.05, शेष सीरीज : इंग्लैंड … Read more

पीतांबरा माई की शरण में पहुंचे इंडिया टीम के कोच गौतम गंभीर

Indian team coach Gautam Gambhir reached Pitambara Mai’s shelter. दतिया। 6 अक्टूबर को भारत बांग्लादेश के बीच में ग्वालियर के माधवराव सिंधिया स्टेडियम में टी-20 मैच है। मैच से पहले भारतीय टीम के कोच व पूर्व क्रिकेटर गौतम गंभीर दतिया पीतांबरा माई की शरण में पहुंचे। माई के दर्शन करने के बाद गौतम गंभीर ने भारतीय टीम की जीत के लिए प्रार्थना की। इसके बाद उन्होंने वनखंडेश्वर महादेव पर भी जलाभिषेक किया।यहां बता दें कि शंकरपुर स्थति माधवराव सिंधिया स्टेडियम के बनने के बाद पहली बार अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट मैच हो रहा है। पहला मैच भारत बांग्लादेश के बीच 6 अक्टूबर को मैख् है। मैच के लिए दोनों टीमें ग्वालियर में 2 अक्टूबर को आ चुकी हैं। भारतीय टीम के साथ कोच व पूर्व क्रिकेटर गौतम गंभीर भी हैं।शुक्रवार सुबह गौतम गंभीर दतिया पहुंचे और मां पीतांबरा माई के दर्शन किए। साथ ही वनखंडेश्वर महादेव पर जलाभिषेक भी किया। गंभीर पहले भी दतिया में पीतांबरा माई के दर्शन के लिए आ चुके हैं। इस दौरान जिला प्रशासन व पुलिस प्रशासन के अधिकारी मौजूद रहे।

स्वतंत्र SIT करेगी तिरुपति लड्डू प्रसाद मामले की जांच

Independent SIT will investigate Tirupati Laddu Prasad case Tirupati Laddu Row Hearing in Supreme Court: तिरुपति लड्डू प्रसाद मामले की जांच अब एक स्वतंत्र SIT करेगी. सुप्रीम कोर्ट ने आंध्र प्रदेश सरकार की तरफ से गठित SIT को लेकर उठ रहे सवालों के मद्देनजर नई जांची टीम का गठन किया है. इस जांच दल में 2 सीबीआई अधिकारी होंगे, 2 अधिकारी आंध्र प्रदेश पुलिस के होंगे और एक अधिकारी फूड स्टैंडर्ड एंड सेफ्टी अथॉरिटी यानी FSSAI का होगा. जांच की निगरानी सीबीआई निदेशक करेंगे. दुनिया भर के करोड़ों श्रद्धालुओं की आस्था के केंद्र तिरुपति बालाजी मंदिर में आंध्र प्रदेश की पिछली जगन मोहन रेड्डी सरकार के दौरान चढ़ाए जा रहे प्रसाद में मिलावट का आरोप लगा था. यह आरोप आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री चंद्रबाबू नायडू ने लगाया था. उन्होंने कहा था कि प्रसाद में इस्तेमाल किए जा रहे घी में एनिमल फैट यानी पशुओं की चर्बी की मिलावट पाई गई है. इस बात के सामने आते ही लोगो में गहरी नाराजगी फैल गई थी. बाद में इस मामले को लेकर सुप्रीम कोर्ट में कई याचिकाएं दाखिल हुई. सुनवाई के दौरान सीएम पर लगाया ये आरोप तिरुमला तिरुपति देवस्थानम ट्रस्ट के पूर्व अध्यक्ष और पूर्व मुख्यमंत्री जगन मोहन रेड्डी के करीबी रिश्तेदार वाई.वी. सुब्बा रेड्डी और पूर्व केंद्रीय मंत्री सुब्रमण्यम स्वामी की याचिका में इस बात पर सवाल उठाया गया कि चंद्रबाबू नायडू ने जांच पूरी होने से पहले ही राजनीतिक लाभ के लिए बयान दिया. उन्होंने कहा कि घी के जो 4 टैंकर नेशनल डेयरी डेवलपमेंट बोर्ड के पास जांच के लिए भेजे गए थे, उन्हें प्रसाद बनाने में इस्तेमाल नहीं किया गया था. सॉलिसिटर जनरल ने राज्य सरकार की SIT को बताया उपयुक्त राज्य सरकार के निष्पक्षता को लेकर उठ रहे सवालों के बीच सुप्रीम कोर्ट ने केंद्र सरकार से पूछा था कि राज्य सरकार की तरफ से बनाई गई SIT को जांच करने दिया जाए या किसी दूसरी संस्था को यह ज़िम्मा दिया जाए. इसका जवाब देते हुए सॉलिसिटर जनरल तुषार मेहता ने कहा कि राज्य सरकार के SIT में सभी बेदाग और अच्छे अधिकारी हैं. उन्हें जांच करने देना चाहिए. बेहतर जांच के लिए उनकी निगरानी का काम एक केंद्रीय वरिष्ठ पुलिस अधिकारी को सौंप देना चाहिए. कपिल सिब्बल ने किया सॉलिसिटर जनरल के सुझाव का विरोध वाई.वी. सुब्बा रेड्डी के लिए पेश वरिष्ठ वकील कपिल सिब्बल ने इस सुझाव का विरोध किया. उनकी मांग थी कि सुप्रीम कोर्ट अपनी तरफ से SIT का गठन करे. आखिरकार जस्टिस बी.आर. गवई और के.वी. विश्वनाथन की बेंच ने कहा कि वह एक SIT बना रहे हैं. इसमें 2 अधिकारी सीबीआई के होंगे, दो आंध्र प्रदेश पुलिस के होंगे और एक अधिकारी FSSAI का होगा. कोर्ट ने कहा कि SIT में आंध्र प्रदेश पुलिस के जो अधिकारी होंगे, उनका नाम आंध्र प्रदेश सरकार तय करेगी, FSSAI के अधिकारी का चयन FSSAI के अध्यक्ष करेंगे. कोर्ट का कहना था कि FSSAI खाद्य मिलावट के मामलों में विशेषज्ञ संस्था है. ऐसे में उसके एक अधिकारी की मौजूदगी से जांच बेहतर हो सकेगी. भविष्य में इस जांच से किसी को दिक्कत हो तो यहां वापस आ सकते हैं – सुप्रीम कोर्ट इस आदेश के साथ सुप्रीम कोर्ट ने मामले का निपटारा कर दिया है. यानी भविष्य में सुप्रीम कोर्ट या राज्य सरकार के पास कोई रिपोर्ट नहीं आएगी. SIT स्वतंत्र जांच करेगी और जांच के आधार पर अगर किसी पर मुकदमा चलाने की जरूरत हुई, तो वह निचली अदालत में आरोप पत्र दाखिल करेगी. सुप्रीम कोर्ट ने कहा है कि अगर भविष्य में इस जांच को लेकर किसी को कोई समस्या होती है, तो वह वापस उसका दरवाजा खटखटा सकता है.

पेट्रोल से भरी मालगाड़ी के 3 डिब्बे पटरी से उतरे, दिल्‍ली-मुंबई ट्रैक पर रेल यातातात प्रभावित

3 coaches of goods train loaded with petrol derail, rail traffic affected on Delhi-Mumbai track दिल्ली-मुंबई रेलमार्ग पर रतलाम रेलवे स्टेशन के पास गुरुवार (3 अक्तूबर) की रात पेट्रोल से भरी एक मालगाड़ी बेपटरी हो गई है. इस हादसे में मालगाड़ी के तीन डिब्बे पटरी से उतर गए हैं. एक डिब्बे से पेट्रोल का रिसाव भी हो रहा है. वहीं हादसे की जानकारी मिलते ही रेलवे के आला अधिकारी मौके पर पहुंचे. अधिकारियों का मानना है कि यह ट्रेन डिरेल करने की भी साजिश हो सकती है. डीआरएम रजनीश कुमार ने बताया, “गुजरात के राजकोट से भोपाल के बेरानिया भौरी की ओर जा रही पेट्रोलियम पदार्थ से भरी एक मालगाड़ी रात करीब 10 बजे दुर्घटनाग्रस्त हो गई. इस हादसे में ट्रेन के तीन डिब्बे पटरी से उतर गए हैं. इससे कुछ समय के लिए दिल्ली-मुंबई मार्ग की अपलाइन प्रभावित हुई, जबकि डाउन लाइन से ट्रेनों का आवागमन जारी है. हालांकि, इस घटना के कारण दो ट्रेन कुछ समय के लिए प्रभावित हुई.” पटरी से उतरे तीन डिब्बेडीआरएम रजनीश कुमार के मुताबिक, “पूरे मामले की जांच की जा रही है. तकनीकी खराबी से भी इस प्रकार की घटना हो सकती है. फिलहाल जांच की जा रही है. हादसे के बाद सबसे पहले रेलवे द्वारा राहत कार्य शुरू किया गया. इस घटना में किसी प्रकार की कोई जनहानि नहीं हुई है.” रजनीश कुमार ने कहा, “ट्रेन के तीन डिब्बे पटरी से उतरे हैं, एक डिब्बे को तो उठा लिया गया है दूसरे वाले में थोड़ी दिक्कत है और तीसरा वाला भी माइनर है वो भी जल्द उठा लिया जाएगा. हम कोई ट्रेनें रद्द नहीं कर रहे हैं बस थोड़ी ट्रेनों में देरी हो सकती है. पेट्रोलियम पदार्थ रिसाव हो रहा है, लेकिन हम लोग सावधानी बरत रहे हैं.”

महिला टी20 विश्व कप: पाकिस्तान ने कम स्कोर वाले मैच में श्रीलंका को 31 रनों से हराया

Women’s T20 World Cup: Pakistan beats Sri Lanka by 31 runs in a low-scoring match भोपाल ! पाकिस्तान ने आईसीसी महिला टी20 विश्व कप में अपने अभियान की शानदार शुरुआत की, क्योंकि उन्होंने गुरुवार को शारजाह में कम स्कोर वाले मैच में एशिया कप विजेता श्रीलंका को 31 रनों से हराया। पाकिस्तान ने आईसीसी महिला टी20 विश्व कप में अपने अभियान की शुरुआत जीत के साथ की, क्योंकि उन्होंने गुरुवार को शारजाह में अपने एशियाई प्रतिद्वंद्वी श्रीलंका को 31 रनों से हराया। कम स्कोर वाले मैच में पहले बल्लेबाजी करने वाली पाकिस्तान की टीम 20 ओवर में 116 रनों पर आउट हो गई। एशिया कप विजेता श्रीलंका के लिए 117 रनों का लक्ष्य आसान लग रहा था, लेकिन पाकिस्तान के गेंदबाजों ने अच्छा प्रदर्शन किया और श्रीलंका को 20 ओवर में 85/9 पर रोक दिया। पाकिस्तान की कप्तान फातिमा सना को 20 गेंदों में 30 रनों की पारी के लिए प्लेयर ऑफ द मैच चुना गया, जबकि श्रीलंका की कप्तान चमारी अथापथु ने 3/19 का शानदार स्पेल किया। अथापथु की टीम की साथी सुगंदिका कुमारी और उदेशिका प्रबोधनी। हालांकि, तीनों की गेंदबाजी की कोशिशें बेकार गईं। छोटे स्कोर का बचाव करते हुए, बाएं हाथ की स्पिनर सादिया इकबाल ने चार ओवर में 3/17 के शानदार आंकड़े के साथ पाकिस्तान की अगुआई की, जबकि ओमैमा सोहेल (2/17), नशरा संधू (2/15) और कप्तान सना (2/10) ने दो-दो विकेट लिए। टॉस जीतकर बल्लेबाजी करने उतरी पाकिस्तान की शुरुआत बेहद खराब रही और छठे ओवर में उसने 32 रन पर तीन विकेट गंवा दिए। श्रीलंका मैच में शीर्ष पर था, लेकिन 10वें ओवर में ओमैमा सोहेल (19 गेंदों पर 18 रन) के रूप में अपना चौथा विकेट गिरने के साथ ही पाकिस्तान की स्थिति और खराब हो गई। अपनी पारी के आधे चरण में, पाकिस्तान चार विकेट के नुकसान पर 57 रन के सामान्य स्कोर के साथ मुश्किल में था। बाएं हाथ की स्पिनर सुगंधिका कुमारी ने पाकिस्तान की पारी के शुरुआती दौर में सबसे ज़्यादा विध्वंसक भूमिका निभाई, इस अनुभवी खिलाड़ी ने सलामी बल्लेबाज मुनीबा अली (14 गेंदों पर 11 रन) और गुल फ़िरोज़ा (4 गेंदों पर 2 रन) के विकेट लिए। हालांकि, अंत में पाकिस्तान ने जीत दर्ज की। संक्षिप्त स्कोर: पाकिस्तान: — 20 ओवर में (फ़ातिमा सना 30; चमारी अथापथु 3/18, सुगंधिका कुमारी 3/19, उदेशिका प्रबोधनी 3/20) श्रीलंका: 20 ओवर में 85/9 (नीलक्षी डी सिल्वा 22; सादिया इक़बाल 3/17)।

शेयर बाजार में कल से बेहतर हालात, खुलते ही 300 अंकों की गिरावट, इन स्टॉक्स पर नजर रखने से बनेगी बात

मुंबई   शेयर बाजार (Stock Market) में कल बड़ी गिरावट आई थी और आज सप्ताह का आखिरी कारोबारी दिन शुक्रवार ‘Black Friday’ नजर आ रहा है. बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज का 30 शेयरों वाला सेंसेक्स (Sensex) गुरुवार को 1769 अंक फिसला था और आज भी ये 200 अंक से ज्यादा टूटकर ओपन हुआ. नेशनल स्टॉक एक्सचेंज के निफ्टी इंडेक्स ने भी 80 अंक की कमी के साथ कारोबार शुरू किया. गौरतलब है ईरान और इजरायल के बीच जंग के चलते मिडिल ईस्ट में तनाव बढ़ रहा है और इसका असर दुनियाभर के बाजारों के साथ ही भारतीय शेयर मार्केट पर भी दिख रहा है. BPCL से लेकर Bajaj Finance जैसी कंपनियों के शेयर खुलने के साथ ही धड़ाम हो गए. खुलते ही 300 अंक फिसला सेंसेक्स शुक्रवार को शेयर मार्केट (Share Market) में कारोबार फिर से लाल निशान पर शुरू हुआ. अपने पिछले बंद 82,497.10 की तुलना में 200 अंक से ज्यादा की गिरावट लेते हुए BSE Sensex 82,244.25 के लेवल पर ओपन हुआ और कुछ ही मिनटों में ये 389.58 अंक फिसलकर 82,107.06 के लेवल पर आ गया. NSE Nifty ने भी कमजोर शुरुआत की और अपने पिछले बंद 25,250.10 की तुलना में गिरकर 25,281.90 पर कारोबार शुरू किया और अचानक 111 अंक से ज्यादा टूटकर 25,138.70 के लेवल पर पहुंच गया.   गुरुवार को ये थे बाजार के हालात बीते कारोबारी दिन गुरुवार को शेयर बाजार ने बड़ी गिरावट देखी थी. ईरान और इजरायल के बीच जंग (Iran-Israel War) के हालातों के बीच मिडिल ईस्ट के तनाव का असर साफ देखने को मिला था. BSE Sensex ने 995 अंक टूटकर 83,270 के लेवल पर कारोबार शुरू किया था और मार्केट बंद होने तक टूटता ही चला गया था. अंत में सेंसेक्स 1769.19 अंक या 2.10 फीसदी की गिरावट लेकर 82,497.10 के लेवल पर क्लोज हुआ था. सेंसेक्स में इस कदर गिरावट का असर बीएसई के मार्केट कैप पर भी दिखाई दिया और ये 10 लाख करोड़ रुपये से ज्यादा टूट गया. इन शेयरों में खुलते ही बड़ी गिरावट शुक्रवार को शेयर बाजार की खराब शुरुआत के बीच जिन बड़ी कंपनियों के शेयरों में शुरुआती कारोबार में बड़ी गिरावट देखने को मिली. उनमें BPCL Share 4.12% की गिरावट के साथ 334.25 रुपये पर आ गया. Bajaj Finance Share 3.02% टूटकर 7209 रुपये पर, जबकि Trent Share 2.72% गिरकर 7280 रुपये पर आ गया. इसके अलावा Asian Paint और HeroMoto Corp Share 2-2 फीसदी से ज्यादा फिसला.   मिडकैप-स्मालकैप में ये शेयर बिखरे बात करें BSE मिडकैप की तो इसमें शामिल M&M Finance Share 4.73% की गिरावट के साथ 306.90 रुपये पर आ गया. Phoenix Share 5.38% फिसलकर 1565.60 रुपये पर, जबकि RVNL Share 3.14% गिरकर 493 रुपये पर कारोबार कर रहा था. इसके अलावा Prestige Share 3% फिसलकर 1702.35 रुपये पर आ गया था.

राशिफल शुक्रवार 04 अक्टूबर 2024

मेष राशि- आज मेष राशि वालों के आत्मविश्वास में कमी रहेगी। आर्थिक रूप से मन परेशान रहेगा। हालांकि धैर्य से काम लें, वरना नुकसान हो सकता है। बेवजह के गुस्से से बचें। कारोबार में वृद्धि होगी। मान-सम्मान की प्राप्ति होगी। पिता की सेहत पर नजर रखें। प्रतियोगी परीक्षा की तैयारी करने वालों के लिए आज का दिन सौभाग्य लेकर आया है। वृषभ राशि- वृषभ राशि वालों को आज परिवार का साथ मिलेगा। धैर्य बनाए रखें। कारोबार का विस्तार हो सकता है। जीवनसाथी का साथ मिलेगा। कुटुंब के किसी बुजुर्ग से धन मिल सकता है। संतान पक्ष से सुख मिलने के संकेत हैं। आर्थिक रूप से आपकी स्थिति बेहतर होगी। व्यापारियों के लिए आज का दिन अच्छा रहने वाला है। मिथुन राशि- मिथुन राशि वालों के लिए आज का दिन भाग्यशाली रहने वाला है। नौकरी पेशा करने वाले जातकों को तरक्की के साथ आय में बढ़ोतरी मिल सकती है। माता की सेहत का ध्यान रखें। व्यापारियों को मनमुताबिक मुनाफा होने से मन प्रसन्न रहेगा। हालांकि जीवनसाथी के साथ किसी बात को लेकर अनबन हो सकती है। कर्क राशि- कर्क राशि वालों का आज धर्म की ओर रुझान रहेगा। घरेलू सुख में वृद्धि होगी। किसी शुभ कार्य में रुपए-पैसे खर्च हो सकते हैं। व्यापारियों के लिए आज का दिन सामान्य रहने वाला है। लिखने-पढ़ने के लिए आज का दिन अच्छा रहने वाला है। भूमि, भवन व वाहन की खरीदारी के योग भी बन रहे हैं। अपनों का साथ मिलने से मन प्रसन्न रहेगा। सिंह राशि- आज खर्चों में वृद्धि होने के कारण सिंह राशि वालों का मन परेशान रह सकता है। मन में उतार-चढ़ाव के भाव आ सकते हैं। ऑफिस में बातचीत में संतुलन बनाए रखना जरूरी है। आपको अपनी स्किल दिखाने के अवसर भी प्राप्त होंगे। सेहत अच्छी रहने वाली है। फिलहाल आर्थिक बजट बनाकर ही काम करें, वरना मानसिक तनाव हो सकता है। कन्या राशि- कन्या राशि वालों के लोग आज आर्थिक रूप से स्थिर रहेंगे। आज आप आपा खो सकते हैं, इसलिए छोटी बातों को नजरअंदाज करना ठीक रहेगा। व्यापपारियों को लाभ के मौके मिलेंगे। सेहत पर नजर रखना अनिवार्य है। किसी मित्र के सहयोग से आर्थिक लाभ हो सकता है। अपने मन की बात जीवनसाथी या पार्टनर से कहने से झिझकें। तुला राशि- तुला राशि वालों के लिए आज का दिन शुभ रहने वाला है। कार्यस्थल पर कोई महत्वपूर्ण उपलब्धि मिल सकती है। अपनी भावनाओं को वश में रखें। यात्रा से लाभ होगा। हालांकि अतीत की बातों से मन परेशान हो सकता है। कारोबारियों के लिए आज का दिन अच्छा रहने वाला है। किसी कर्ज से मुक्ति मिलने के संकेत हैं। वृश्चिक राशि- वृश्चिक राशि वालों को आज धन लाभ के कई अवसर प्राप्त होंगे, जिनका आप लाभ उठाने में सफल रहेंगे। नौकरी पेशा करने वालों को जॉब के नए प्रस्ताव मिल सकते हैं। कुछ लोगों के स्थान में परिवर्तन हो सकता है। वाहन सुख में वृद्धि के योग हैं। परिवार में शांति बनाए रखना ठीक रहेगा। जीवनसाथी की भावनाओं की कद्र करें। धनु राशि- धनु राशि वालों के लिए आज का दिन सामान्य रहेगा। फिलहाल जरूरी फैसले अभी रोक कर रखें। धन का निवेश करना आपके लिए वर्जित रहेगा। स्वास्थ्य से जुड़ी छोटी लापरवाही भी आपके लिए खतरनाक सिद्ध हो सकती है। ऑफिस में उच्चाधिकारियों का सहयोग मिलेगा। वाहन प्रयोग में सावधानी बरतें। परिस्थितियां प्रतिकूल हैं। मकर राशि- मकर राशि वालों को आज बिना वजह गुस्सा करने से बचना चाहिए। किसी छोटी बात से बड़ा विवाद खड़ा हो सकता है। कुछ लोगों को लीगल मामलों में खर्च करने की जरूरत पड़ सकती है। परिवार की स्थिति ठीक रहेगी। व्यापारियों का दिन सामान्य रहेगा। ऑफिस में काम के प्रेशर होने से आपको ज्यादा घंटे बिताने पड़ सकते हैं। कुंभ राशि- कुंभ राशि वालों के मन में आज आशा-निराशा का भाव रहेगा। यात्रा के योग बन रहे हैं। सेहत का ध्यान रखें। नौकरी में बदलाव का विचार कर रहे हैं तो फिलहाल के लिए टाल दें। कुछ जातकों को बैंक लोन मिल सकता है। व्यापारी अपना बकाया चुकाने में सफल हो सकते है। लाइफस्टाइल थोड़ी परेशानी भरी रहने वाली है। मीन राशि- मीन राशि के लोगों की पठन-पाठन में रुचि रहेगी। मित्रों का सहयोग मिलेगा। शैक्षिक कार्यों में सफल रहेंगे। बौद्धिक कार्यों में व्यस्तता बढ़ेगी। आय में वृद्धि भी होगी। कारोबार में लाभ के अवसर मिलेंगे। कार्यस्थल पर अपने विचारों को खुलकर शेयर करें। कोई कलीग आपके खिलाफ साजिश रच सकता है, लेकिन आपको अपने प्रदर्शन पर ध्यान देना चाहिए।

हमसफर एक्सप्रेस के सामने खड़ा हुआ युवक, चालक ने कई बार हार्न बजाया लेकिन वो नहीं हटा, बाद में चालक ने ट्रेन रोकी

देवास देवास-इंदौर रेलवे ट्रैक पर शहर स्थित चाणक्यपुरी रेलवे क्रासिंग पर गुरुवार दोपहर एक युवक देवास स्टेशन से इंदौर की ओर जा रही रामेश्वरम-फिरोजपुर हमसफर एक्सप्रेस के सामने खड़ा हो गया। उसे देख चालक ने कई बार हार्न बजाया लेकिन वो नहीं हटा, बाद में चालक ने ट्रेन को रोक दिया। ठोस कारण नहीं आया सामने युवक को गेटमैन ने पकड़ लिया, बाद में उससे पूछताछ की गई लेकिन कोई ठोस कारण सामने नहीं आ सका। जानकारी के अनुसार ट्रेन 20497 रेलवे स्टेशन से दोपहर करीब 3.20 बजे रवाना होकर करीब पौन किमी दूर रेलवे क्रासिंग चाणक्यपुरी के समीप पहुंची, उस दौरान क्रासिंग बंद था। युवक की मानसिक स्थिति ठीक नहीं एक युवक रेलवे ट्रैक पर खड़ा था जो हट नहीं रहा था। इसके कारण चालक ने ट्रेन को रोक दिया। बाद में पूछताछ में युवक ने कहा उसे कोई मारना चाहता है। इस दौरान गेट मैन के साथ झूमाझटकी भी हुई। सिविल लाइन पुलिस थाने के एसआई अरुण ने बताया जानकारी में यह सामने आया है कि युवक किसी बात को लेकर परेशान है, उसकी मानसिक स्थिति ठीक नहीं है, बाद में वो चला गया था।

द्रौपदी का किरदार निभाकर मशहूर हुईं जानी-मानी अदाकारा और भाजपा नेता रूपा गांगुली मुश्किल में फसी, हुई गिरफ्तार

नई दिल्ली महाभारत में द्रौपदी का किरदार निभाकर मशहूर हुईं जानी-मानी अदाकारा और भाजपा नेता रूपा गांगुली (Roopa Ganguly) मुश्किल में फंस गई हैं। गुरुवार की सुबह अभिनेत्री को पुलिस के काम में बाधा डालने के आरोप में गिरफ्तार कर लिया गया है। गिरफ्तारी के बाद रूपा ने इस पर अपना पहला बयान भी दे दिया है। हुआ यूं कि बुधवार को कोलकाता के बांसद्रोणी में खुदाई करने वाली मशीन की चपेट में आने से एक 14 साल के स्कूली बच्चे की मौत हो गई थी। इस मामले में रूपा गांगुली ने विरोध प्रदर्शन किया। वह बीती शाम से बांसड्रोनी पुलिस स्टेशन के बाहर विरोध प्रदर्शन कर रही थीं जिसके बाद सुबह-सुबह उन्हें गिरफ्तार कर लिया गया। कोलकाता पुलिस रूपा गांगुली को अलीपुर पुलिस कोर्ट लॉकअप में लेकर आई। यहां अभिनेत्री ने अपनी गिरफ्तारी पर रिएक्शन दिया है। मीडिया से से बातचीत में रूपा गांगुली ने कहा, “मैंने किसी को परेशान नहीं किया। मैंने किसी के काम में बाधा नहीं डाली। मैं वहां शांति से बैठी थी ताकि उस लड़के की हत्या करने वालों को पकड़ा जाए।”

slot server thailand super gacor

spaceman slot gacor

slot gacor 777

slot gacor

Nexus Slot Engine

bonus new member

olympus

situs slot bet 200

slot gacor

slot qris

link alternatif ceriabet

slot kamboja

slot 10 ribu

https://mediatamanews.com/

slot88 resmi

slot777

https://sandcastlefunco.com/

slot bet 100

situs judi bola

slot depo 10k

slot88

slot 777

spaceman slot pragmatic

slot bonus

slot gacor deposit pulsa

rtp slot pragmatic tertinggi hari ini

slot mahjong gacor

slot deposit 5000 tanpa potongan

mahjong

spaceman slot

https://www.deschutesjunctionpizzagrill.com/

spbo terlengkap

cmd368

368bet

roulette

ibcbet

clickbet88

clickbet88

clickbet88

bonus new member 100

slot777

https://bit.ly/m/clickbet88

https://vir.jp/clickbet88_login

https://heylink.me/daftar_clickbet88

https://lynk.id/clickbet88_slot

clickbet88

clickbet88

https://www.burgermoods.com/online-ordering/

https://www.wastenotrecycledart.com/cubes/

https://dryogipatelpi.com/contact-us/

spaceman slot gacor

ceriabet link alternatif

ceriabet rtp

ceriabet

ceriabet link alternatif

ceriabet link alternatif

ceriabet login

ceriabet login

cmd368

sicbo online live

Ceriabet Login

Ceriabet

Ceriabet

Ceriabet

Ceriabet

casino online

clickbet88

login kudahoki88

Ceriabet

Ceriabet

Ceriabet

slot olympus

sbobet

slot thailand

sbobet