LATEST NEWS

स्कूल संचालक अखिलेश मेबन को पुलिस ने केरल से गिरफ्तार किया, भगवान श्रीराम पर की आपत्तिजनक टिप्पणी

जबलपुर.  भगवान श्रीराम पर आपत्तिजनक टिप्पणी कर धार्मिक भावनाएं भड़काने वाले अखिलेश मेबिन को पुलिस ने केरल से गिरफ्तार कर लिया गया है. आरोपी अखिलेश मेबन विजय नगर स्थित जॉय स्कूल का संचालक है. सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक मेबिन काफी वक्त से फरार चल रहा था. लगातार उसकी गिरफ्तारी को लेकर मांग की जा रही थी. अब केरल में गिरफ्तारी के बाद पुलिस उसे जबलपुर लेकर आएगी. फिर आगे की पूछताछ की जाएगी. मोबाइल फोन की लोकेशन के आधार पर मेबिन की गिरफ्तारी हुई है. सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक आरोपी अखिलेश मेबन अपने एक दोस्त से संपर्क करने की कोशिश कर रहा था. इसी दौरान उसका लोकेशन ट्रेस हो गया. बताया जा रहा है कि जबलपुर पुलिस आरोपी अखिलेश मेबन को केरल से जबलपुर लेकर रवाना हो गई है. लगातार उठ रही थी गिरफ्तारी की मांग इससे पहले जबलपुर पुलिस को मेबन के बांधवगढ़ में होने की सूचना मिली थी. इतना ही नहीं उसके नागपुर भागने का भी इनपुट मिल रहा था. इसके बाद पुलिस की एक दर्जन टीमें अलग-अलग जगहों पर गिरफ्तारी के लिए रवाना हुी थी. बताया जाता है कि अपने रसूख के दम पर फरारी काटने में आरोपी मेबन माहिर है. आरोपी मेबन ने कुछ दिन पहले अपने WhatsApp स्टेटस पर हिंदुओं और प्रभु श्री राम को लेकर अपशब्द थे. जॉय स्कूल के मालिक के व्हाट्सएप पर लगाए गए स्टेटस को लेकर जमकर आक्रोश भड़का था. मेबन की गिरफ्तारी को लेकर संत समाज, हिन्दू संगठन, कांग्रेस से लेकर कई संगठनों ने सड़कों पर उतरकर पुलिस को ज्ञापन देते हुए गिरफ्तारी की मांग की थी.  

भाजपाः लोकमंगल के संकल्प की एक अनुपम यात्रा: विष्णु दत्त शर्मा

भाजपा स्थापना दिवस 45 साल-बेमिसाल भाजपाः लोकमंगल के संकल्प की एक अनुपम यात्रा भाजपाः असंभव को संभव करने का नाम   स्वाधीनता के बाद 1951 में जब पं. श्यामा प्रसाद मुखर्जी, बलराज मधोक और दीनदयाल उपाध्याय ने जनसंघ बनाया था तबविरोधीउनकी हँसी उड़ाते थे कि ये क्या राजनीति करेंगे और जब 1980 में भाजपा की स्थापना हुई तो उनके ताने बढ़ते गये। उस दौर में अटल जी ने कहा था- अंधेरा छटेगा, सूरज निकलेगा, कमल खिलेगा। आज भाजपा सारी चुनौतियों को ध्वस्त करके भारतीय राजनीति की धुरी बन चुकी है, केंद्र सहित डेढ़ दर्जन राज्यों में सरकार है औरसबसे पुरानी पार्टी का दावा करने वाले पारिवारिक गिरोह न केवल सत्ता को तरस रहे हैं बल्कि अपनी तथाकथित पारंपरिक सीटें भी गँवा बैठे हैं। अपनी 45 वीं वर्षगांठ मना रही भाजपा ने भारत की राजनीति में जो रास्ता चुना था, उस पर चलकरइसने सारी दुनिया को चकित किया है। पार्टी ने आज देश को भ्रष्टाचार, परिवारवाद, अपराधीकरण, जातिवाद, तुष्टिकरण, आतंकवाद जैसे घावों से मुक्ति दिलाईहै। साथ ही उन सभी मुद्दों को हल करके राजनीति में नया अध्याय लिख चुकी है, जिनकापार्टी ने अपनी स्थापना के समय संकल्प लिया था। कश्मीर में धारा 370 की विदाई या श्रीराम जन्मभूमि मंदिर निर्माण से लेकर वक्फ बोर्ड कानून में बदलाव तक के सभी संकल्प भाजपा ने पूरे किये हैं। अपनी कथनी और करनी से आज यह सर्वाधिक विश्वसनीय पार्टी बनी है तथाजिसकोकरोड़ों लोगों ने अपनाकर विश्व का सर्वोच्च दल बनाया है। आज की पीढ़ी को यह जानना चाहिए कि 1980 के दशक का कालखंड भारतीय राजनीति का टर्निंग प्वाइंट था, जब भारतीय जनता पार्टी की स्थापना हुई। देश के राष्ट्रवादी समूहों ने एक सपना देखा था, जिसमें भारतीय गौरव की पुनर्स्थापना, भारत के आध्यात्मिक उत्कर्ष, सामाजिक न्याय और राष्ट्रीय एकता के विचार-बीज थे। आज वे बीज फलदार बृक्ष हो चुके हैं। 45 साल में वे सारे सपने साकार हो चुके हैं। राजनीतिक क्षेत्र में यह आश्चर्य का विषय हो गया है कि कैसे एक पार्टी 2 सीटोंसे अपनी यात्रा शुरू करते हुए सबसे बड़े लोकतंत्र की सबसे बड़ी पार्टी बनकर आज राजनीति के प्रतिमान बदल रही है। पार्टी विद डिफरेंस के नारे को मूर्त रूप देकर कार्यकर्ताओं ने सारी दुनिया को सियासत का अनूठा स्वरूप दिखाया है। हालांकि भाजपा का गठन 6 अप्रैल, 1980 को हुआ, परन्तु इसका अतीत भारतीय जनसंघ से जुड़ा है। स्वतंत्रता प्राप्ति तथा देश विभाजन के बादबढ़ते अल्पसंख्यक तुष्टिकरण, लाइसेंस-परमिट-कोटा राज, राष्ट्रीय असुरक्षा, राष्ट्रीय मसलों जैसे कश्मीर आदि पर घुटनाटेक नीति, अंतर्राष्ट्रीय मामलों में भारतीय हितों की अनदेखी आदि अनेक मुद्दों के गर्भ से जनसंघ का जन्म हुआ था। आपातकाल के बाद भाजपा की स्थापना सुदृढ़, सशक्त, समृद्धएवं स्वावलम्बी भारत के निर्माण हेतु की गई थी, जिसमें  पार्टी ने एक ऐसे राष्ट्र की कल्पना की जो आधुनिक दृष्टिकोण से युक्त एक प्रगतिशील एवं प्रबुद्ध समाज का प्रतिनिधित्व करता हो तथा भारतीय सभ्यता एवं संस्कृति के मूल्यों से प्रेरणा लेकर‘विश्व गुरू’ के रूप में विश्व पटल पर स्थापित हो। साथ ही संविधान सम्मत सभी नागरिकों को राजनीतिक, सामाजिक एवं आर्थिक न्याय, समान अवसर सुनिश्चित हो।पं. दीनदयाल उपाध्याय द्वारा प्रतिपादित ‘एकात्म-मानवदर्शन’ को अपना वैचारिक दर्शन मानते हुए भाजपा ने अंत्योदय, सुशासन, सांस्कृतिक राष्ट्रवाद, विकास एवं सुरक्षा के संकल्प पर चलते हुए 45 सालकी अनुपम यात्रा पूरी की है। इस यात्रा में दीनदयाल जी के अंत्योदय से लेकर मोदी जी के सबका साथ, सबका विकास, सबका विश्वास और सबका प्रयास जैसा अद्वितीय संकल्प पूर्ण हुए हैं। भाजपा के सांस्कृतिक राष्ट्रवाद के अन्तर्गत गरीबी मिटाना केवल नारा नहीं, उसका संकल्प था। श्रीराम जन्मभूमि मंदिर निर्माण कोई भाषण नहीं, प्रतिबद्धता थी। कश्मीर में 370 की समाप्ति चुनावी जुमला नहीं, राष्ट्रीय एकात्मताका साक्षात संकल्प था। अन्त्योदय स्लोगन नहीं, यह गरीबों का जीवन स्तर उठाने का प्रण था, जिसे पार्टी का हर कार्यकर्ता 1980 से लेकर अब तक पूर्ण करने में सक्रिय हैं। अटल जी की सरकार द्वारा विपरीत परिस्थितियों में परमाणु परीक्षण हो, कारगिल विजय हो या नरेद्र मोदी जी द्वारा कश्मीर में 370 की समाप्ति हो, श्रीराम मंदिर निर्माण हो या वक्फ बोर्ड कानून में बदलाव हो, ये भाजपा की राजनीति में वे मील पत्थर हैं, जो संकल्प से सिद्धि का मंत्र बनकर पीढियों को प्रेरित करते रहेंगे। आज स्थापना दिवस के प्रसंग में भाजपा के उत्कर्ष में अमूल्य योगदान देने वाले नेतृत्व की चर्चा जरूरी है। अटल बिहारी वाजपेयी से लेकर नरेंद्र मोदी तक पार्टी नेताओं ने संकल्प और साहस का नया इतिहास रचा है। भारत को परमाणु शक्ति बनाने से लेकर चंद्रयान-मंगलयान की यात्रा तक की उपलब्धि चुनावी राजनीति से अलग एक अदम्य साहस और देशभक्त नेतृत्व का प्रमाण है।2014 से लेकर 2025 तक गरीबों के मसीहा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी के नेतृत्व में देश ने अपने सभी संकल्पों को एक-एक करके पूर्ण करते हुए भारत को सशक्तबनाया है।आज भारत के लगभग सभी तीर्थ केंद्र विकास का नया प्रतिमान गढ़ रहे हैं। निरंतर उपेक्षा का दंश झेल रहे हमारे प्राचीन आध्यात्मिक केंद्रोंका गौरव भी पुनर्स्थापित हुआ है। यही नहीं, भाजपा ने अपने वैचारिक आचरण से देश की राजनीतिक संस्कृति को भी बदला है।एक ओर जहां परिवारवादी, तुष्टिकरण और जातिवादी राजनीति का दौर समाप्त हो गया, वहीं अब धर्म-संस्कृति की बात करना सांप्रदायिक होना नहीं है। राष्ट्रवाद की चर्चा अब संकुचित मानसिकता का परिचायक नहीं है। सरकार की ओर से देवालयों का विकास करना, अब ध्रुवीकरण नहीं है। भारतीयता की बात करना और मातृभाषा में काम करना अब पिछड़ापन नहीं है। हिन्दुत्व का विचार अब सर्वग्राही बन गया है। अपनी प्रखर व प्रतिबद्ध कार्यशैली से भाजपा ने देश के राजनीतिक विमर्श को परिवर्तित करने में ऐतिहासिक सफलता पायी है। इस पड़ाव पर भाजपा अपनी पंचनिष्ठाओं की नींव पर न केवल गर्व सेस्वयं खड़ी है बल्कि उसके सहयोगी दल भी उसके साथ कंधा मिलाकर खड़े हैं। अभी-अभी वक्फ बोर्ड कानून संशोधन मामले में सारी दुनिया ने देखा है।   राज्य भाजपा इकाई का अध्यक्ष होने के नाते अपने अनुभव से कह सकता हूं कि विजन, संगठन, नेतृत्व और कार्यकर्ता- इन चारों अंगों के कारण भाजपा कैडर आधारित पार्टीबनी है। अटल जी, लालकृष्ण आडवानी जी, नरेंद्र मोदी जी, अमित शाह जी और जय प्रकाश नड्डा तक पार्टी का नेतृत्व करने वाले अनेक लोग इसी कैडर की गंगोत्री से निकले हैं। आज नरेंद्र मोदी के चमत्कारिक … Read more

सौरभ शर्मा पर लोकायुक्त छापे की अगुवाई करने वाले डीएसपी संजय शुक्ला का ट्रांसफर

भोपाल मध्य प्रदेश के चर्चित परिवहन घोटाले यानी सौरभ शर्मा मामले में लोकायुक्त पुलिस की बड़ी कार्रवाई के बाद प्रशासनिक गलियारों में हलचल तेज हो गई है। पूर्व आरक्षक सौरभ शर्मा और उसके सहयोगी चेतन सिंह गौर के ठिकानों पर 19 दिसंबर को हुए छापे की अगुवाई करने वाले लोकायुक्त डीएसपी संजय शुक्ला का ट्रांसफर हो गया। लोकायुक्त संगठन से हटाकर उन्हें पुलिस मुख्यालय (पीएचक्यू) भेज दिया गया है। इस संबंध में मध्य प्रदेश लोकायुक्त कार्यालय से आदेश भी जारी कर दिया गया है। दो टीमों ने की थी एक साथ छापेमारी     19 दिसंबर को लोकायुक्त पुलिस ने दो टीमों में बंटकर छापेमारी की थी।पहली टीम ने सौरभ शर्मा के ई-7/78 स्थित आवास पर दबिश दी, जिसकी कमान डीएसपी वीरेंद्र सिंह के पास थी। दूसरी टीम ने सौरभ के ही ई-7/657 स्थित कार्यालय पर छापा मारा, जिसका नेतृत्व डीएसपी संजय शुक्ला कर रहे थे। संजय के ट्रांसफर को लेकर विपक्ष सरकार पर सवाल उठा रहा है। सौरभ के ठिकानों पर हुई इस कार्रवाई में काली कमाई से अर्जित संपत्ति के सबूत मिले थे, जिसमें करोड़ों की चल-अचल संपत्ति, गाड़ियां और नकदी शामिल थी। इसका मुद्दा विधानसभा में भी खूब उठा था। अन्य अधिकारियों के भी हो चुके तबादले सौरभ शर्मा के ठिकानों पर कार्रवाई में शामिल डीजी जयदीप प्रसाद का भी ट्रांसफर हो चुका है। लोकायुक्त संगठन में फेरबदल का यह कोई पहला मामला नहीं है। इससे पहले डीजी लोकायुक्त जयदीप प्रसाद का भी तबादला हो चुका है। अब डीएसपी स्तर के अधिकारियों के भी एक के बाद एक ट्रांसफर किए जा रहे हैं। लोकायुक्त में कौन-कौन अधिकारी हुए इधर-उधर? लोकायुक्त संगठन में लगातार तबादले हो रहे हैं। डीएसपी संजय शुक्ला को पीएचक्यू भेजा गया। तीन अन्य डीएसपी स्तर के अफसरों की प्रतिनियुक्ति खत्म की गई।चार अफसरों को अन्य इकाइयों में पदस्थ किया गया है। डीजी लोकायुक्त योगेश देशमुख ने इन तबादलों के आदेश जारी किए हैं। नाम वर्तमान पदस्थापना नवीन पदस्थापना संजय शुक्ला कार्यालय भोपाल पुलिस मुख्यालय अनिरुद्ध बाधिया कार्यालय इंदौर पुलिस मुख्यालय रामदयाल मिश्रा कार्यालय इंदौर पुलिस मुख्यालय संजय जैन कार्यालय भोपाल कार्यालय सागर दिलीप झरवड़े कार्यालय जबलपुर कार्यालय भोपाल ब्रजमोहन द्विवेदी कार्यालय सागर कार्यालय भोपाल मंजू सिंह कार्यालय सागर कार्यालय भोपाल क्यों हटाए गए डीएसपी संजय शुक्ला? विपक्ष का आरोप है कि डीएसपी संजय शुक्ला के नेतृत्व में हुई छापेमारी में कुछ संवेदनशील जानकारी सामने आई थी, जिससे कुछ प्रभावशाली लोगों की मुश्किलें बढ़ सकती थीं। हालांकि, अधिकारियों का कहना है कि यह एक सामान्य प्रशासनिक प्रक्रिया है और इसका किसी भी कार्रवाई से कोई लेना-देना नहीं है।

CM यादव ने अशोकनगर जिले में श्री आनंदपुर धाम का दौरा किया, 11 अप्रैल को आएंगे प्रधानमंत्री मोदी

 अशोकनगर मुख्‍यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के अशोकनगर के ईसागढ़ स्थित आनंदपुर धाम में 11 अप्रैल 2025 को प्रस्तावित भ्रमण की तैयारियों का जायजा लिया। उन्‍होंने हेलीपैड स्थल, सुरक्षा व्यवस्था, रूट चार्ट, मंदिरों के दर्शन स्थल, पूजा स्थान तथा सत्संग स्थल का निरीक्षण कर जानकारी ली। साथ ही अन्‍य आवश्यक व्‍यवस्‍थाओं के संबंध में निर्देश दिए। मुख्‍यमंत्री ने आनंदपुर धाम स्थित श्री परमहंस अद्वैत मत, श्री आनंद शांति कुंज, श्री आनंद शांति भवन, श्री आनंद सरोवर एवं श्री आनंद शांति धाम पहुंचकर दर्शन किये गये। सीएम ने किया पूजन अर्चन मुख्‍यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने श्री आनंदपुर धाम स्थित मंदिरों में पहुंचकर पूजा-अर्चना की। उन्‍होंने श्री आनंद सरोवर के पवित्र जल में पुष्प अर्पित कर आशीर्वाद लिया और प्रसाद ग्रहण किया। उन्‍होंने श्री आनंदपुर धाम की महिमा को गरिमामय बताते हुए कहा कि यहां पहुंचने पर सुखद अनुभूति होती है। बैसाखी पर लगेगा वार्षिक मेला मुख्‍यमंत्री डॉ. यादव ने बैसाखी पर लगने वाले वार्षिक मेले में आने वाले अनुयायियों एवं दर्शनार्थियों के लिये सभी आवश्यक व्यवस्थाएं बेहतर करने के निर्देश दिये। उन्होंने कहा कि श्री आनंदपुर सत्संग आश्रम श्री परमहंस अद्वैत मत का भक्ति परमार्थ का प्रमुख केन्‍द्र तथा एक महान तीर्थ स्थल एवं अथाह ज्ञान व आत्मिक विद्या का अतुलनीय भंडार है। यहां पर श्री आनंद सरोवर की तरल छटा निराली है तथा परिधि में पूजा स्थलों का अनोखा संगम है। इस पवित्र स्थल पर आकर मन को शांति तथा आत्म ज्ञान को बल मिलता है।  सीएम यादव ने कहा कि श्री आनंदपुर सत्संग आश्रम भक्ति और ज्ञान का प्रमुख केंद्र है। यहां के मंदिरों की आध्यात्मिक ऊर्जा और श्री आनंद सरोवर की प्राकृतिक छटा मन को शांति प्रदान करती है। उन्होंने मंदिरों में पूजा-अर्चना की और श्री आनंद सरोवर में पुष्प अर्पित कर श्रद्धा व्यक्त की। गौरतलब है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 11 अप्रैल को बैसाखी पर्व के अवसर पर श्री आनंदपुर ट्रस्ट में आयोजित वार्षिक मेले में शामिल होने के लिए आ रहे हैं। इसी को लेकर मुख्यमंत्री ने व्यवस्थाओं की समीक्षा की। इस दौरान जिले के प्रभारी मंत्री राकेश शुक्ला, स्थानीय विधायक और भाजपा के अन्य वरिष्ठ नेता भी उपस्थित रहे।

बैतूल में कलेक्टर आकस्मिक निरीक्षण से कर्मचारियों में हड़कंप, काम छोड़ ताश खेलते मिला कर्मचारी

बैतूल  सरकारी दफ्तर अपने आराम से काम करने वाले वर्क कल्चर के फेमस तो हैं ही इसी बीच में कई कर्मचारी जनता का काम करने की जगह ताश भी खेलने लगते हैं। ऐसा करते हुए बैतूल में कुछ कर्मचारी कलेक्टर के हाथ चढ़ गए। फिर क्या नाप दिए गए। कलेक्टर के अचानक निरीक्षण में एक कर्मचारी ताश खेलते पकड़ा गया। उसे सस्पेंड कर दिया गया है। साथ ही, तीन अन्य कर्मचारियों का वेतन भी काटा गया है। बैतूल के कलेक्ट्रेट परिसर में शुक्रवार को हड़कंप मच गया। कलेक्टर नरेंद्र सूर्यवंशी अचानक कार्यालयों का निरीक्षण करने निकल गए। निरीक्षण के दौरान कलेक्टर ने ट्राइबल ऑफिस में एक कर्मचारी को कंप्यूटर पर ताश खेलते हुए पाया। ऑफिस के समय में ताश खेलते देखकर कलेक्टर ने उन पर कार्रवाई की। इसके बाद उन्होंने तुरंत कर्मचारी को सस्पेंड करने का आदेश दे दिया। तीन कर्मचारियों के वेतन कटे कलेक्टर के अचानक पहुंचने से कर्मचारी चौंक गए। लापरवाही मिलने पर तीन कर्मचारियों का वेतन काटने का भी आदेश दिया गया। कलेक्टर नरेंद्र सूर्यवंशी दोपहर में सरकारी कार्यालयों में ई-ऑफिस के काम का निरीक्षण करने पहुंचे थे। वे कलेक्ट्रेट परिसर में स्थित अलग-अलग कार्यालयों में गए। ताश खेलते मिला कर्मचारी निरीक्षण के दौरान, कलेक्टर आदिम जाति कार्य विभाग के कार्यालय में पहुंचे। वहां उन्होंने कर्मचारी जगदीश कुबड़े को कंप्यूटर पर ताश खेलते हुए पाया। यह देखकर कलेक्टर ने सीधा एक्शन लिया और तुरंत कर्मचारी को सस्पेंड करने का आदेश दे दिया। कलेक्टर ने ऑफिस टाइम में काम की जगह ताश खेलने पर कर्मचारी की जमकर क्लास ली। उन्होंने कहा कि ऑफिस टाइम में काम करना चाहिए, ताश नहीं।

भोपाल स्टेशन पर खुला MP का पहला और देश का दूसरा होटल, सिर्फ 200 रुपए में मिलेगी AC रूम की सुविधा

भोपाल  रेलवे स्टेशन पर यात्रियों के लिए एक नई सुविधा शुरू हो गई है। अब यहां यात्री कम दाम में आराम से ठहर सकेंगे। स्टेशन के प्लेटफॉर्म नंबर 6 पर प्रदेश का पहला पॉड होटल खुल गया है। इस होटल में यात्रियों को 200 रुपए प्रति घंटे से ठहरने की सुविधा मिलेगी। यह होटल जापान से प्रेरित है और इसमें छोटे-छोटे कैप्सूल जैसे कमरे बने हैं। IRCTC की वेबसाइट और स्टेशन पर ही इसकी बुकिंग की जा सकती है। देश का दूसरा सबसे बड़ा होटल यह पॉड होटल उन यात्रियों के लिए बहुत अच्छा है जो कम पैसे में आरामदायक जगह ढूंढ रहे हैं। रेलवे अधिकारियों का कहना है कि इससे भोपाल स्टेशन पर यात्रियों का अनुभव बेहतर होगा। मुंबई सेंट्रल के बाद यह देश का दूसरा सबसे बड़ा पॉड होटल है। मुंबई में यह होटल 2021 में शुरू हुआ था। पॉड होटल क्या होता है? पॉड होटल को कैप्सूल होटल भी कहते हैं। यह जापान से आया ट्रेंड है। इसमें छोटे-छोटे कैप्सूल जैसे कमरे होते हैं। इन कमरों में यात्रियों को ठहरने की सुविधा मिलती है। कम जगह में भी यहां अच्छी सुविधाएं दी जाती हैं। भोपाल रेलवे स्टेशन पर यात्रियों की संख्या बढ़ रही है। इसे देखते हुए यह सुविधा शुरू की गई है। इसकी योजना 20 अक्टूबर 2019 को बनी थी। लगभग 6 साल बाद यह यात्रियों के लिए उपलब्ध हो रहा है। बुकिंग के लिए यात्री के पास पीएनआर नंबर होना जरूरी है। कमरों का किराया हुआ तय रेलवे ने उद्घाटन से पहले होटल को पूरी तरह से तैयार कर लिया है। कमरों का किराया भी तय कर दिया गया है। भोपाल रेलवे स्टेशन पर दो तरह के पॉड रूम हैं: सिंगल और फैमिली पॉड। पहले खबर आई थी कि इसका उद्घाटन अप्रैल में होगा। उस समय रेलवे के जीएम शोभना बंदोपाध्याय और डीआरएम देवाशीष त्रिपाठी भी आने वाले थे। क्या क्या मिलेंगी सुविधाएं रेलवे अधिकारियों ने बताया कि पॉड होटल में यात्रियों की सुरक्षा का भी पूरा ध्यान रखा गया है। पूरे होटम में सीसीटीवी कैमरे लगे हैं और सुरक्षाकर्मी भी तैनात रहेंगे। गर्मी से बचने के लिए AC लगा है। इंटरनेट के लिए हाई-स्पीड वाई-फाई भी है। पुरुषों और महिलाओं के लिए अलग-अलग शौचालय हैं। सर्दियों में गर्म पानी के लिए गीजर भी लगा है। सामान रखने के लिए लॉकर और लगेज रूम भी हैं। मोबाइल और दूसरे डिवाइस चार्ज करने के लिए चार्जिंग पॉइंट भी दिए गए हैं। किसी भी खतरे से निपटने के लिए होटल में फायर फाइटिंग सिस्टम भी है। मनोरंजन के लिए हर पॉड में टीवी भी लगा है। तैयार होने के लिए मेकअप मिरर भी है।

भोपाल रेलवे स्टेशन पर मध्यप्रदेश के पहले ‘पॉड कॉन्सेप्ट रिटायरिंग रूम’ का हुआ भव्य शुभारंभ

भोपाल रेलवे स्टेशन पर मध्यप्रदेश के पहले ‘पॉड कॉन्सेप्ट रिटायरिंग रूम’ का हुआ भव्य शुभारंभ यात्रियों को मिलेगी आधुनिक, सुरक्षित और किफायती ठहराव की सुविधा भोपाल  आज भोपाल रेलवे स्टेशन के प्लेटफॉर्म क्रमांक 6 पर मध्यप्रदेश के पहले  ‘पॉड कॉन्सेप्ट रिटायरिंग रूम’ का भव्य शुभारंभ माननीय सांसद भोपाल श्री आलोक शर्मा के द्वारा किया गया। वरिष्ठ मंडल वाणिज्य प्रबंधक श्री सौरभ कटारिया ने बताया कि यह सुविधा भोपाल रेलवे स्टेशन से प्रतिदिन गुजरने वाले लगभग 70,000 यात्रियों की विश्राम की आवश्यकता को ध्यान में रखते हुए शुरू की गई है। पॉड स्टाइल होटल यात्रियों को कम खर्च में उच्चस्तरीय आराम, सुरक्षा और सुविधा उपलब्ध कराएगा। इस अत्याधुनिक होटल का संचालन भारतीय रेलवे खानपान एवं पर्यटन निगम (IRCTC) द्वारा किया जाएगा। क्या है पॉड स्टाइल होटल? यह एक आधुनिक अवधारणा है जिसमें यात्रियों को एक छोटे केबिन (पॉड) के रूप में निजी स्थान दिया जाता है। हर पॉड में सोने, सामान रखने, चार्जिंग, मनोरंजन (टीवी), वाई-फाई, मेकअप मिरर, और एसी जैसी सुविधाएं उपलब्ध हैं। यह विशेष रूप से उन यात्रियों के लिए उपयोगी है जो कुछ घंटों के लिए रुकना चाहते हैं या ट्रेन बदलने के इंतजार में हैं। इस पॉड होटल में उपलब्ध सुविधाएं – एसी युक्त पॉड हाई-स्पीड वाई-फाई चार्जिंग पॉइंट टॉयलेट (पुरुष व महिला अलग-अलग) गीजर युक्त गर्म पानी टीवी और मेकअप मिरर सीसीटीवी निगरानी लॉकर व लगेज रूम दमकल सुरक्षा व्यवस्था कुल पॉड्स की संख्या: 78 फैमिली पॉड्स: 20 मल्टी बेड पॉड (पुरुष): 40 मल्टी बेड पॉड (महिला): 18 चार्जेज:  पॉड होटल की दरें यात्रियों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए काफी किफायती रखी गई हैं। मल्टी बेड पॉड्स की शुरुआती दरें मात्र ₹200 से शुरू होती हैं, जबकि फैमिली पॉड्स के लिए शुरुआती दर ₹400 निर्धारित की गई है। समय के अनुसार दरें बढ़ती हैं, जिससे यात्री अपनी आवश्यकता अनुसार समय और पॉड का चयन कर सकते हैं। बुकिंग की सुविधा: यात्रियों के लिए ऑनलाइन (IRCTC वेबसाइट) और ऑफलाइन दोनों माध्यमों से बुकिंग की सुविधा उपलब्ध है। बुकिंग के लिए पीएनआर नंबर अनिवार्य होगा। यह सुविधा किन यात्रियों के लिए है उपयोगी? कुछ घंटे रुकने वाले यात्रियों के लिए ट्रेन बदलने या लेट ट्रेन की स्थिति में परिवार सहित यात्रा कर रहे लोगों के लिए किफायती और सुरक्षित विश्राम की तलाश करने वालों के लिए भोपाल रेलवे स्टेशन पर पॉड कॉन्सेप्ट होटल की यह शुरुआत भारतीय रेलवे द्वारा यात्रियों की सुविधा को ध्यान में रखकर की गई एक सराहनीय पहल है, जो भविष्य में अन्य स्टेशनों के लिए भी एक उदाहरण बनेगी। इस अवसर पर मंडल रेल प्रबंधक भोपाल श्री देवाशीष त्रिपाठी , अपर मंडल रेल प्रबंधक द्वय श्रीमती रश्मि दिवाकर एवं श्री योगेन्द्र बघेल,वरिष्ठ मंडल वाणिज्य प्रबंधक, भोपाल श्री सौरभ कटारिया, वरिष्ठ मंडल विद्युत अभियंता, भोपाल श्री संजय मनोरिया, मंडल अभियंता (मुख्यालय) श्री श्याम नागर,क्षेत्रीय प्रबंधक, IRCTC श्री आर. भट्टाचार्य, संयुक्त महाप्रबंधक / पर्यटन, IRCTC श्री राजेन्द्र बोरबन मौजूद रहे।

कूनो में ज्वाला अपने शावकों के साथ 6 बकरियों शिकार किया, युवक का चीता के झुंड को पानी पिलाने का वीडियो अब जमकर वायरल

श्योपुर  अगर आपका सामना शेर, तेंदुआ या फिर चीते से हो जाए तो क्या होगा. सुनकर ही शरीर में सिहरन दौड़ जाती है. लेकिन अगर कोई व्यक्ति इस भीषण गर्मी में चीतों के झुंड को पानी पिलाए तो इसे पशुओं से बेइंतहा प्रेम कहें या फिर दुस्साहस. ये कहानी कोई काल्पनिक नहीं है. बल्कि सच है. कूनो नेशनल पार्क के चीते शिकार करने के बाद छांव में बैठे हुए थे. इन्हें भीषण गर्मी में पानी की सख्त जरूरत थी. लेकिन आसपास पानी नहीं था. पेड़ की छांव में बैठे 6 चीतों की प्यास बुझाई ऐसे में एक ग्रामीण ने प्लास्टिक का बर्तन पानी से भरा और चीतों के झुंड के पास ले जाकर इसे रख दिया. चीतों ने छककर पानी पीया और फिर पेड़ की छांव में विश्राम करने लगे. दरअसल, कई दिनों से कूनो नेशनल पार्क से चीतों का झुंड बाहर घूम रहा है. इनकी संख्या 6 है. इन चीतों ने उमरी गांव में 6 बकरियों शिकार किया और फिर जमकर दावत उड़ाई. मादा चीता ज्वाला और उसके शावकों के दो वीडियो सोशल मीडिया पर जमकर वायरल हो रहे हैं. इनमें ज्वाला चीता अपने शावकों के साथ बकरियों का शिकार करती नजर आ रही है. बकरियों का शिकार के बाद चीते प्यासे थे वहीं, एक वीडियो जमकर वायरल हो रहा है. इसमें एक ग्रामीण चीता और उसके शावकों को पानी पिलाते नजर आ रहा है. ये वही चीते हैं, जिन्होंने बकरियों का शिकार करके पेट भरा था. ये चीते पानी नहीं मिलने से परेशान थे, क्योंकि शिकार का भोजन करने के बाद चीतों को पानी की सख्त जरूरत थी. प्यास से परेशान चीते पेड़ के नीचे छांव में बैठकर हांफ रहे थे. उमरी कलां गांव के पास खेतों में जब ग्रामीण सत्यनारायण गुर्जर ने देखा कि चीते प्यास से परेशान हैं तो प्लास्टिक के बर्तन में पानी भरा और चीतों के झुंड के पास ले जाकर रख दिया. चीतों ने छककर पानी पीया. इस घटना से ये बात फिर साबित हो गई कि चीता इंसानों के लिए खतरा नहीं, बल्कि उनके मित्र हैं. हालांकि वन विभाग की टीम चीतों की मॉनिटरिंग भी कर रही हैं. कूनो नेशनल पार्क में 120 चीता मित्र भी हैं कूनो नेशनल पार्क के अधिकारी बताते है “चीतों से इंसानों को कोई खतरा नहीं है. चीते इंसानों को देखकर अपना रास्ता मोड़ लेते हैं. चीतो की निगरानी के लिए कूनो नेशनल पार्क की मॉनिटरिंग टीम सहित वन विभाग की टीम लगातार नजर बनाए हुए है.” बता दें कि कूनो नेशनल पार्क में 120 चीता मित्रों को प्रशिक्षण देकर तैयार किया गया है. प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने इन चीता मित्रों के साथ संवाद किया था. चीता मित्रों की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण है. खासकर ऐसे समय जब चीते पार्क की सीमा लांघते हैं. चीता मित्रों की अहम जिम्मेदारी ग्रामीणों को जागरूक कर मानव-चीता द्वंद्व रोकने की है.

ओबीसी सशक्तिकरण, आरक्षण एवं व्यवसायिक अवसरों पर राहुल गांधी जी से महत्वपूर्ण बैठक

भोपाल आज कांग्रेस नेता  राहुल गांधी  से एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई, जिसमें ओबीसी सशक्तिकरण, आरक्षण, व्यवसायिक अवसरों एवं सरकारी नीतियों में ओबीसी समुदाय की भागीदारी जैसे प्रमुख विषयों पर गहन चर्चा हुई। इस बैठक में सामाजिक न्याय एवं आर्थिक उत्थान से जुड़े विभिन्न पहलुओं पर विस्तृत विचार-विमर्श किया गया। बैठक के दौरान Backward Classes Indian Chamber of Commerce and Industry (BICCI) की भूमिका पर विशेष चर्चा की गई। BICCI ओबीसी उद्यमियों को संगठित कर व्यापार, उद्योग एवं सरकारी योजनाओं में उनकी भागीदारी बढ़ाने की दिशा में कार्य कर रही है। इस संदर्भ में, ओबीसी समाज के आर्थिक विकास को गति देने एवं उन्हें राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर नए अवसर उपलब्ध कराने की संभावनाओं पर विचार किया गया।  राहुल गांधी ने ओबीसी समाज की प्रगति और BICCI द्वारा किए जा रहे प्रयासों की सराहना की। उन्होंने आश्वासन दिया कि कांग्रेस पार्टी ओबीसी उद्यमियों एवं व्यवसायियों के सशक्तिकरण के लिए हरसंभव सहयोग प्रदान करेगी ! इस बैठक के सकारात्मक परिणामस्वरूप, यह उम्मीद की जा रही है कि ओबीसी समाज के उत्थान से जुड़े मुद्दों को राष्ट्रीय राजनीतिक एजेंडे में प्राथमिकता के साथ शामिल किया जाएगा, जिससे समाज के हर वर्ग को न्याय एवं समान अवसर प्राप्त हो सके।

मध्य प्रदेश के कई जिलों का तापमान पहुंचा 40 डिग्री के पार, जानें आज कैसा रहेगा मौसम

भोपाल  मध्य प्रदेश के मौसम में बारिश के बाद बदलाव देखने को मिलने लगा है। कई जिलों में तापमान 40 डिग्री के पार पहुंच गया है। वहीं मौसम विभाग ने अगले 5 तेज गर्मी पड़ने की संभावना जताई है। भोपाल, इंदौर, उज्जैन और ग्वालियर में पारा 2 से 5 डिग्री तक बढ़ेने का अनुमान है। वहीं महीने के अंतिम सप्ताह में सबसे तेज धूप पड़ेगी।    गर्मी के इस सीजन में पहली बार मध्यप्रदेश में हीट वेव यानी, लू का अलर्ट है। मौसम विभाग ने 7 और 8 अप्रैल को उज्जैन, ग्वालियर और चंबल संभाग के 10 जिलों में लू चलने की संभावना जताई है। IMD, भोपाल की सीनियर वैज्ञानिक डॉ. दिव्या ई. सुरेंद्रन ने बताया कि शुक्रवार को दो साइक्लोनिक सर्कुलेशन सिस्टम और एक वेस्टर्न डिस्टरबेंस साइक्लोनिक सर्कुलेशन के रूप में एक्टिव रहा। इस वजह से कहीं-कहीं हल्की बारिश और बादल छाए रहे। यह सिस्टम शनिवार को कमजोर हो जाएगा। इसके बाद गर्मी का असर बढ़ेगा। जिससे तापमान में भी बढ़ोतरी होगी। अगले 3 से 4 दिन तक दिन का तापमान बढ़ सकता है। वहीं, 7-8 अप्रैल को हीट वेव यानी, गर्म हवा चलने का अनुमान है। दो दिन तेज गर्मी का अलर्ट मौसम विभाग के अनुसार, 7 अप्रैल को नीमच, मंदसौर, ग्वालियर, श्योपुर, मुरैना, भिंड और दतिया में लू चल सकती है। 8 अप्रैल को नीमच, मंदसौर, श्योपुर, मुरैना, ग्वालियर, भिंड, दतिया, शिवपुरी, गुना और अशोकनगर में हीट वेव का असर रहेगा। वहीं प्रदेश के अन्य शहरों में गर्मी का असर देखा गया। कई जगहों पर तो पारा 7 डिग्री तक बढ़ गया। नर्मदापुरम-रतलाम में 40 डिग्री, खजुराहो में 39.2 डिग्री, धार में 39.1 डिग्री, गुना-टीकमगढ़ में 39 डिग्री, नौगांव में 38.4 डिग्री, खरगोन में 38.2 डिग्री और सतना में पारा 38 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। मध्यप्रदेश में लू का अलर्ट मध्यप्रदेश में हीट वेव यानी, लू का अलर्ट है। मौसम विभाग ने 7 और 8 अप्रैल को उज्जैन, ग्वालियर और चंबल संभाग के 10 जिलों में लू चलने की संभावना जताई है। भोपाल, इंदौर, जबलपुर-सागर संभाग में भी तेज गर्मी पड़ने का अनुमान है। मौसम विभाग के अनुसार, 7 अप्रैल को नीमच, मंदसौर, ग्वालियर, श्योपुर, मुरैना, भिंड और दतिया में लू चल सकती है। 8 अप्रैल को नीमच, मंदसौर, श्योपुर, मुरैना, ग्वालियर, भिंड, दतिया, शिवपुरी, गुना और अशोकनगर में हीट वेव का असर रहेगा। दिल्ली में गर्मी ने लोगों को किया बेहाल दिल्ली में गर्मी ने लोगों को बेहाल करना शुरू कर दिया है। मौसम विभाग के अनुसार, अगले कुछ दिनों में तापमान 42 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच सकता है। मौसम विभाग (IMD) ने 5 अप्रैल को दिल्ली में तेज हवा और लू की स्थिति का अनुमान जताया है। अधिकतम तापमान 39 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 19 डिग्री सेल्सियस रहने की संभावना है। मौसम विभाग का कहना है कि अगले पांच दिनों तक दिल्ली में तापमान 40 से 42 डिग्री के बीच रह सकता है। उत्तर प्रदेश में गर्मी, 8 से होगी बारिश उत्तर प्रदेश में गर्मी है। तेज धूप से लोग परेशान हैं। कई शहरों में तापमान 40 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया है।  मौसम विभाग के मुताबिक, मौसम फिर बदलेगा। 8 अप्रैल से नया पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय हो रहा है। इसकी वजह से आठ से लेकर 10 अप्रैल तक कई जिलों में हल्की बारिश होने की संभावना है। 3 दिन तक बदरा बरसेंगे। इससे लोगों को गर्मी से राहत मिलेगी। राजस्थान में अगले चार दिन चलेगी हीटवेव राजस्थान में शनिवार (5 अप्रैल) से तेज गर्मी पड़ेगी। मौसम विभाग ने बाड़मेर, जैसलमेर जिले में हीटवेव चलने की संभावना जताई है। दोनों जिलों के लिए येलो अलर्ट जारी किया है। 6 अप्रैल को 8 जिलों, 7 अप्रैल को 19 जिलों और 8 अप्रैल को 23 जिलों में हीटवेव का येलो अलर्ट है। शुक्रवार को जालोर, जोधपुर, बाड़मेर, चित्तौड़गढ़, कोटा और वनस्थली (टोंक) एरिया में दिन का अधिकतम तापमान 40 डिग्री सेल्सियस या उससे ऊपर दर्ज हुआ। छत्तीसगढ़ में 8 से बदलेगा मौसम छत्तीसगढ़ में शनिवार को मौसम ड्राई रहेगा। अगले तीन दिन अधिकतम तापमान 3 से 5 डिग्री तक बढ़ सकता है। कहीं-कहीं बादल छाए रहेंगे, लेकिन बारिश नहीं होगी। मौसम विभाग के मुताबिक, 8 अप्रैल से मौसम करवट लेगा। 9 और 10 अप्रैल के बीच कई जिलों में हल्की से मध्यम बारिश की संभावना है।  शुक्रवार को 37 डिग्री तापमान के साथ बेमेतरा सबसे गर्म रहा। झारखंड में 7 से 9 अप्रैल तक बारिश का अलर्ट झारखंड में शनिवार को मौसम साफ रहेगा। तेज गर्मी लगेगी। दोपहर में हवा के गर्म रहने के आसार हैं। मौसम विभाग ने 7 अप्रैल को यलो अलर्ट तथा 8 अप्रैल को ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। संथाल परगना के इलाके में तेज हवा के साथ मेघ गर्जन और आकाशीय बिजली गिरने की संभावना है। हालांकि वेदर एक्सपर्ट अभिषेक आनंद के मुताबिक, 9 अप्रैल से दो से तीन डिग्री तक तापमान बढ़ने की उम्मीद है। बिहार में गर्मी, 7  से बदलेगा मौसम बिहार में गर्मी है। अप्रैल की शुरुआत में ही प्रदेश के अधिकतर जिलों में लू जैसे हालात हैं। मौसम विभाग के मुताबिक,  राजधानी पटना समेत कई जिलों में अधिकतम तापमान 38 से 40 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 24 से 26 डिग्री के बीच रह सकता है। मौसम विभाग ने राज्य के कुछ हिस्सों में 7 और 8 तारीख को बारिश का येलो अलर्ट जारी किया है। जिससे गर्मी से थोड़ी राहत मिलने की उम्मीद है। हरियाणा में गर्मी को लेकर यलो अलर्ट हरियाणा में तापमान के साथ-साथ गर्मी बढ़ेगी। मौसम विभाग ने हिसार, भिवानी, रोहतक, चरखी दादरी, महेंद्रगढ़, रेवाड़ी, झज्जर, गुरुग्राम, फरीदाबाद, पलवल और नूंह में तेज गर्मी की संभावना जताई है।  9 अप्रैल के बाद पश्चिमी विक्षोभ के आंशिक प्रभाव से मौसम में बदलाव संभव है। शुक्रवार को प्रदेश के अधिकतम तापमान में 1.1 डिग्री सेल्सियस की गिरावट दर्ज की गई, जो सामान्य से 3.3 डिग्री सेल्सियस अधिक रहा। पंजाब में लू का अलर्ट पंजाब के फाजिल्का, मुक्तसर, बठिंडा, मानसा और बरनाला में लू का असर देखने को मिलेगा। आने वाले दिनों में तापमान में बढ़ोतरी हो सकती है। 9 अप्रैल से मौसम बदलेगा। 9 अप्रैल से पंजाब में बारिश के आसार हैं। पिछले 24 घंटों में अधिकतम तापमान में औसतन 0.5 डिग्री सेल्सियस … Read more

शहडोल में नई गाइड लाइन जारी होने के तीन दिन बाद भी रजिस्ट्री का कार्य प्रभावी ढ़ंग से शुरु नहीं हो पाया

 शहडोल  वित्तीय वर्ष 2025-26 में 1 अप्रेल से जिले में भूमि संबंधी नई गाइड लाइन लागू हो गई है। नई गाइड लाइन जारी होने के तीन दिन बाद भी रजिस्ट्री का कार्य प्रभावी ढ़ंग से शुरु नहीं हो पाया है। इसकी प्रमुख वजह सर्वर व भू-अभिलेख संबंधी पोर्टल लिंक न होने को बताया जा रहा है। गुरुवार दोपहर से सर्वर तो चालू हो गया है, लेकिन भू-अभिलेख संबंधी समस्या अभी बनी हुई है। ऐसे में पंजीयन विभाग में तीन दिन से सभी काम प्रभावित हैं। विभागीय अधिकारी कर्मचारियों का कहना है कि भू- अभिलेख संबंधी पोर्टल शुरु होने के साथ ही दस्तावेज का कार्य भी प्रारंभ हो जाएगा। उल्लेखनीय है कि भूमि दस्तावेज संबंधी सभी कार्य 1 अप्रेल से प्रभावी रूप से संपदा 2.0 साफ्टवेयर में होना है। इसके लिए नई गाइड लाइन अपडेट करने के साथ ही मेंटेनेंस सहित अन्य कार्य की वजह से समस्या बनी हुई है। पुर्व में जो नक्शा खसरा निकाले गए थे उनके आधार पर दस्तावेज हो रहे हैं। नहीं हो पा रही स्लॉट बुकिंग स्लॉट बुकिंग के बाद ही भूमि संबंधी दस्तावेज के कार्य होने है। भू-अभिलेख संबंधी पोर्टल लिंक न होने से सर्विस प्रोवाइडर स्लॉट बुक नही कर पा रहे हैं। इससे रजिस्ट्री संबंधी कार्य प्रभावित हैं। भूमि संबंधी सभी जानकारी अपडेट करने के बाद ही स्लॉट बुकिंग होगी। ऑनलाइनहोगी सभी प्रक्रिया जिले में 1 अप्रेल से संपदा 2.0 साफ्टवेयर पूरी तरह से प्रभावी हो गया है। इस साफ्टवेयर के माध्यम से भूमि दस्तावेज संबंधी सभी कार्य ऑनलाइन होने हैं। नए साफ्टवेयर में खसरा नंबर डालते ही भूमि संबंधी सभी जानकारी उपलब्ध हो जाएगी। इसके लिए अलग से दस्तावेज खोजने की आवश्यकता नहीं पड़ेगी। रजिस्ट्री होने के बाद इसकी पीडीएफ तुरंत संबंधित व्यक्ति को मेल या अन्य सोशल मीडिया प्लेटफार्म पर उपलब्ध हो जाएगी। संपदा 2.0 से दस्तावेज संबंधी कार्य आसान हो जाएंगे। इससे विभागीय अधिकारी कर्मचारियों के साथ ही दस्तावेज कराने वालों को भी काफी सहूलियत मिलेगी। रजिस्ट्री का कार्य प्रभावित पिछले तीन दिन से विभाग में रजिस्ट्री संबंधी कार्य प्रभावित है। 31 मार्च के पूर्व जिन लोगों के नक्शा खसरा निकल गए थे उनके दस्तावेज हो रहे हैं। तीन दिन में दो रजिस्ट्री ही हुई हैं। कार्यालय में दस्तावेज संबंधी काम के लिए लोग पहुंचे भी, लेकिन कार्य न होने की वजह से वह वापस लौट गए। गुरुवार की दोपहर पंजीयन विभाग में सन्नाटा पसरा रहा। दो तीन लोग ही बाहर बैठे रहे और कुछ देर बाद वापस लौट गए। इनका कहना है सर्वर शुरु हो गया है, नक्शा खसरा पहले निकाल लिए गए थे, उनके दस्तावेज शुरु हो गए हैं। भू-अभिलेख संबंधी पोर्टल लिंक न होने की वजह से रजिस्ट्री संबंधी कार्य प्रभावित है। अभिषेक सिंह बघेल, प्रभारी जिला पंजीयक शहडोल

पंचायत सचिव और रोजगार सहायक ने सरकारी दस्तावेज में जीवित महिला को किया मृत घोषित

शाहडोल मध्य प्रदेश के शहडोल जिले के बुढार जनपद पंचायत के एक गांव में एक जीवित विधवा महिला खुद को जीवित साबित करने की जद्दोजहद कर रही है। दरअसल, उसे पंचायत सचिव और रोजगार सहायक ने सरकारी दस्तावेज में मृत घोषित कर दिया है, जिसका परिणाम ये हुआ कि, महिला को लाड़ली बहना योजना समेत सभी सरकारी सहायताएं मिलना तो दूर सरकारी राशन तक मिलना बंद हो गया है। सचिव और रोजगार सहायक की इस गंभीर लापरवाही का खामियाजा एक विधवा महिला को भुगतना पड़ रहा है। अब महिला स्वयं को जिंदा साबित करने के लिए सरकारी दफ्तरों के जिम्मेदारों के सामने न्याय की गुहार लगा रही है।  दरअसल, ग्राम पंचायत खामीडोल की विधवा महिला उमा कुशवाहा को ग्राम रोजगार सहायक शिवराम सिंह कंवर ने परिवार समग्र आईडी क्रमांक 64593444 पर साल भर पहले मृत घोषित कर नाम विलोपित कर दिया है। रोजगार सहायक की इस लापरवाही के चलते महिला भूखे मरने की कगार पर है। महिला कार्यालय जाकर अधिकारियों से स्वयं को जीवित होने का प्रमाण के साथ गुहार लगा रही है, लेकिन उसे जीवित नहीं किया जा रहा है। महिला को न्याय की आस यही नहीं, पीड़िता ने मामले की जैतपुर थाने में भी शिकायत की, लेकिन उसकी वहां भी कोई सुनवाई नहीं हुई। पीड़ित महिला सिस्टम के आगे लाचार हो गई है। जिला प्रशासन द्वारा महिला को अब तक उसे सरकारी रिकॉर्ड में जिंदा नहीं किया गया है। अब देखने वाली बात है कि, मामला अधिकारियों के संज्ञान में आने के बाद महिला को न्याय मिलेगा या नहीं।  

विवेकानंद नीडम रेलवे ओवर ब्रिज आम जनता के लिए नहीं खुला, हाई कोर्ट में याचिका दायर

ग्वालियर जनता के वोट से चुनकर “माननीय” बनने वाले जनप्रतिनिधि जनता के कितने फिक्रमंद हैं इसकी चर्चा इन दिनों ग्वालियर में जोरों पर है, बड़ी बात ये है कि ये चर्चा भाजपा की अंदरूनी सियासत को बाहर ला रही है, मामला सिर्फ एक रेलवे ओवर ब्रिज को जनता के लिए खोलने का है यानि उसके लोकार्पण का है, अब कौन माननीय इसका उद्घाटन करेगा ये अभी तय नहीं है लेकिन जनता का सब्र टूट गया है क्योंकि पुल तैयार है, जनता अब और परेशान होना नहीं चाहती इसलिए उसने 12 अप्रैल तक का समय दे दिया है वर्ना 13 को जनता खुद उदघाटन कर देगी इस मामले में हाई कोर्ट में भी एक जनहित याचिका दाखिल कर दी गई है। ग्वालियर शहर में बनकर तैयार एक रेलवे ओवर ब्रिज पिछले लंबे समय से उद्घाटन की बाट जोह रहा है, भाजपा की अंदरूनी सियासत के चलते ये तय नहीं हो पा रहा कि पुल का फीता काटने का श्रेय किसके खाते में जाए, दर असल ये ROB यानि विवेकानंद नीड़म रेलवे ओवर ब्रिज का कम 2017 में शुरू हुआ था इसे दो साल में बन जाना था लेकिन कभी रेलवे की आपत्ति कभी चुनाव कभी कोई और कारण के चलते ये आठ साल बाद तैयार हो पाया लेकिन कई महीनों से तैयार ब्रिज अभी भी जनता के लिए नहीं खोला जा रहा। जनता ने निकलना शुरू किया, प्रशासन ने बंद कराया पिछले दिनों शहर के लोगों ने इसपर से निकलना शुरू कर दिया था, जैसे ही इसकी जानकारी प्रशासन को लगी तत्काल इसपर बैरिकेड लगाकर आवागमन बंद कर दिया गया, आदेश जारी किया गया कि पुल पर स्ट्रीट लाईट का काम जारी है इसलिए अभी इसपर यातायात संभव नहीं है इसका उपयोग न किया जाए। शहर की जनता ने खोला मोर्चा अब जिन करीब 15 कॉलोनियों और कई गांवों के हजारों लोगों को इस पुल का लाभ मिलने वाला था और उनका करीब 4 किलोमीटर का चक्कर बचने वाला था वो आक्रोशित हो गए, उनको साथ मिला सामाजिक संस्थाओं का , शहर के प्रबुद्ध लोगों का और भाजपा के पूर्व जिला अध्यक्ष राज चड्ढा का , इन सभी ने मिलकर विरोध में मोर्चा खोल दिया। BJP नेता ने जनता के साथ मिलकर दिया अल्टीमेटम राज चड्ढा ने अपने फेसबुक एकाउंट पर पोस्ट लिखी जिसमें शहर के सभी बड़े भाजपा नेताओं के नाम लिखे जिसमें सांसद, मंत्री , वरिष्ठ नेता शामिल हैं और उन्हें अल्टीमेटम दिया कों 12 अप्रैल तक जिसे श्रेय लेना है ले ले वर्ना किसी बुजुर्ग से 13 अप्रैल को नारियल फुडवा कर पुल क उद्घाटन करवा दिया जायेगा। हाई कोर्ट में जनहित याचिका दायर इतना ही नहीं आज शुक्रवार को इस मामले में एडवोकेट अवधेश तोमर ने ग्वालियर हाई कोर्ट में एक जनहित याचिका दायर कर दी और अर्जेंट हियरिंग की मांग कर दी , याचिका में कहा गया है कि जब ROB बनकर तैयार है तो सिर्फ नेता जी से उदघाटन का समय नहीं मिल पाने के कारण जनता परेशानी क्यों झेले? BJP के पूर्व जिला अध्यक्ष ने दिखाया आइना   बहरहाल भाजपा के एक पूर्व  जिला अध्यक्ष ने जनता का पक्ष रखते हुए अपनी ही पार्टी के नेताओं को आइना दिखा दिया है और ये बताने की कोशिश की है कि उन्हें जनता के वोटों ने ही माननीय बनाया है इसलिए उन्हें जनता की परेशानी पहले समझने की जरुरत है ना कि श्रेय लेने की सियासत करने की। अब देखना होगा कि 13 अप्रैल को इस ROB पर क्या होता है ?

जबलपुर में फ्लाईओवर निर्माण को लेकर हाई कोर्ट में जनहित याचिका दायर, कोर्ट ने सरकार को नोटिस जारी कर 3 हफ्ते में मांगा जवाब

 जबलपुर जबलपुर। मध्य प्रदेश हाईकोर्ट में जबलपुर के हाईकोर्ट चौराहा से रद्दी चौकी-आधारताल तक बन रहे फ्लाईओवर निर्माण को लेकर जनहित याचिका पर शुक्रवार को सुनवाई हुई। इस दौरान कोर्ट ने राज्य सरकार को नोटिस जारी कर तीन हफ्ते के अंदर जवाब देने के निर्देश दिए हैं। जबलपुर निवासी अधिवक्ता मुनीश सिंह की ओर से दायर इस याचिका की प्रारंभिक सुनवाई हाईकोर्ट चीफ जस्टिस सुरेश कुमार कैत एवं जस्टिस विवेक जैन की डिवीजन बैंच ने की। याचिकाकर्ता ने कोर्ट को बताया कि आधारताल रोड पर प्रतिदिन जाम की स्थिति बनती है, जिसके कारण आए दिन दुर्घटनाएं भी हो रही हैं। जाम का खामियाजा अस्पताल जाने वाले मरीजों को भी भुगतना पड़ता है। स्कूल जाने या घर लौटने वाले बच्चों को भी परेशानी होती है। ऐसे में कोर्ट ने स्पष्ट कर दिया कि यह मामला जनसुविधा और सार्वजनिक सुरक्षा से जुड़ा हुआ है, और इसमें टालमटोल अब बर्दाश्त नहीं की जाएगी। याचिकाकर्ता की ओर से वरिष्ठ अधिवक्ता रामेश्वर सिंह ठाकुर एवं राजेंद्र प्रसाद गुप्ता ने पक्ष रखते हुए सभी तथ्यों से कोर्ट को अवगत कराया। एडिशनल एडवोकेट जनरल ने जताई आपत्ति राज्य सरकार की ओर से एडिशनल एडवोकेट जनरल भरत सिंह ठाकुर ने याचिका पर आपत्ति जताते हुए इसे “सुनवाई के योग्य नहीं” बताया। उनका तर्क था कि यह एक प्रशासनिक विषय है और इसके लिए सरकार को बाध्य करना न्यायालय का कार्यक्षेत्र नहीं है। उन्होंने कहा कि जबलपुर से ही लोक निर्माण विभाग के मंत्री हैं, जिनसे जनता संपर्क कर सकती है। उन्होंने कोर्ट से आग्रह किया कि इस याचिका को ‘कष्टकारक’ मानते हुए निरस्त कर दिया जाए। हाईकोर्ट के इस आदेश के बाद जबलपुर के नागरिकों को उम्मीद की एक नई किरण दिखाई दी है। वर्षों से लोग इस रूट पर ट्रैफिक जाम की समस्या से जूझ रहे हैं, आपको बता दें कि मध्य प्रदेश हाई कोर्ट की मुख्य पीठ जबलपुर के ठीक बाहर मुख्य सड़क पर यह आलम होता है कि अधिवक्ताओं सहित मुवक्किलों के वाहन खड़े करने के लिए भी जगह नहीं है, जिसके कारण लगभग आधी सड़क पार्किंग की तरह इस्तेमाल होती है। लेकिन अब तक इस पर कोई स्थायी समाधान नहीं आया। हाईकोर्ट के इस हस्तक्षेप से अब उम्मीद है कि प्रशासन इस दिशा में ठोस और समयबद्ध कदम उठाएगा।

भोज विश्वविद्यालय में नियुक्तियों के मामले में HC ने नियुक्तियां कीं निरस्त का दिए आदेश

भोपाल मध्य प्रदेश भोज मुक्त विश्वविद्यालय में की गई नियुक्तियों को मध्य प्रदेश हाईकोर्ट की युगलपीठ ने मनमानी और दूषित करार देते हुए निरस्त कर दिया है। मुख्य न्यायाधीश श्री सुरेश कुमार कैत और न्यायमूर्ति विवेक जैन की खंडपीठ ने चयनित अभ्यर्थियों के पक्ष में जारी एकलपीठ के आदेश को रद्द करते हुए नई नियुक्ति प्रक्रिया शुरू करने के निर्देश दिए हैं। मध्य प्रदेश शासन और भोज मुक्त विश्वविद्यालय द्वारा दायर अपील में कहा गया था कि वर्ष 2015 में प्रोफेसर, असिस्टेंट प्रोफेसर समेत अन्य पदों के लिए भर्ती प्रक्रिया शुरू की गई थी। लेकिन चयन प्रक्रिया में गंभीर अनियमितताएं बरती गईं। अपील में यह भी बताया गया कि चयन समिति में संबंधित विषयों के विशेषज्ञों को शामिल नहीं किया गया था, बल्कि अन्य विषयों के विशेषज्ञों से चयन कराया गया, जो नियमों के खिलाफ था। इसके अलावा, चयन समिति ने विश्वविद्यालय अनुदान आयोग (UGC) द्वारा निर्धारित मानकों का पालन नहीं किया। अपील में यह भी उल्लेख किया गया कि अभ्यर्थियों के शैक्षणिक दस्तावेजों की न तो ठीक से जांच की गई और न ही उनका निष्पक्ष मूल्यांकन किया गया। अंकों के कई कॉलम बिना किसी स्पष्टीकरण के खाली छोड़ दिए गए थे। साक्षात्कार में कुछ अभ्यर्थियों को अत्यधिक अंक देकर अन्य अधिक योग्य उम्मीदवारों की अनदेखी की गई, जिससे चयन प्रक्रिया पक्षपातपूर्ण प्रतीत होती है। इसके साथ ही, विज्ञापनों में महिलाओं और दिव्यांगों के लिए आरक्षण का उल्लेख नहीं किया गया था और न ही आरक्षण रोस्टर उच्च शिक्षा विभाग के निर्देशानुसार तैयार किया गया था। इन अनियमितताओं के कारण चयन प्रक्रिया को निरस्त कर दिया गया था। इसके विरुद्ध चयनित अभ्यर्थियों ने हाईकोर्ट में याचिका दायर की थी, जिस पर एकलपीठ ने उनके पक्ष में राहतकारी आदेश दिया था। इसी आदेश को चुनौती देते हुए यह अपील दायर की गई थी।

slot server thailand super gacor

spaceman slot gacor

slot gacor 777

slot gacor

Nexus Slot Engine

bonus new member

olympus

situs slot bet 200

slot gacor

slot qris

link alternatif ceriabet

slot kamboja

slot 10 ribu

https://mediatamanews.com/

slot88 resmi

slot777

https://sandcastlefunco.com/

slot bet 100

situs judi bola

slot depo 10k

slot88

slot 777

spaceman slot pragmatic

slot bonus

slot gacor deposit pulsa

rtp slot pragmatic tertinggi hari ini

slot mahjong gacor

slot deposit 5000 tanpa potongan

mahjong

spaceman slot

https://www.deschutesjunctionpizzagrill.com/

spbo terlengkap

cmd368

368bet

roulette

ibcbet

clickbet88

clickbet88

clickbet88

bonus new member 100

slot777

https://bit.ly/m/clickbet88

https://vir.jp/clickbet88_login

https://heylink.me/daftar_clickbet88

https://lynk.id/clickbet88_slot

clickbet88

clickbet88

https://www.burgermoods.com/online-ordering/

https://www.wastenotrecycledart.com/cubes/

https://dryogipatelpi.com/contact-us/

spaceman slot gacor

ceriabet link alternatif

ceriabet rtp

ceriabet

ceriabet link alternatif

ceriabet link alternatif

ceriabet login

ceriabet login

cmd368

sicbo online live

Ceriabet Login

Ceriabet

Ceriabet

Ceriabet

Ceriabet

casino online

clickbet88

login kudahoki88

Ceriabet

Ceriabet

Ceriabet

slot olympus

sbobet

slot thailand

sbobet