LATEST NEWS

प्रदेश में ‘फाइबर से फैशन तक’ के विजन के साथ प्रदेश में ‘राजस्थान टेक्सटाइल एण्ड अपैरल पॉलिसी-2025’ लागू की: सीएम

जयपुर राजस्थान राज्य से होने वाले कुल निर्यात की शीर्ष पांच वस्तुओं में शामिल वस्त्र उद्योग प्रदेश की अर्थव्यवस्था का मजबूत स्तंभ है। प्रदेश में ‘फाइबर से फैशन तक’ के विजन के साथ मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के नेतृत्व में राज्य सरकार ने प्रदेश में ‘राजस्थान टेक्सटाइल एण्ड अपैरल पॉलिसी-2025’ लागू की है। यह नीति प्रदेश को आधुनिक टेक्सटाइल एवं अपैरल विनिर्माण के नये केन्द्र के रूप में स्थापित करने में महत्वपूर्ण पहल साबित होगी। अमेरिका द्वारा रेसिप्रोकल टैरिफ लागू किए जाने के बाद बदलते वैश्विक परिदृश्य में राजस्थान के वस्त्र निर्यातकों के लिए यह नीति गेम चेंजर भी साबित होने जा रही है। राजस्थान टेक्सटाइल एण्ड अपैरल पॉलिसी-2025 में निर्यातकों को प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से प्रदेश में पहली बार गारमेंट मैन्युफैक्चरिंग सेक्टर को भी शामिल किया गया है। साथ ही इस नीति में प्राकृतिक एवं कृत्रिम फाइबर के उत्पादन को बढ़ाने से लेकर तकनीकी टेक्सटाइल्स और वस्त्र विनिर्माण, हैण्डलूम, ऊन प्रसंस्करण, चमड़े के उत्पाद, फुटवियर जैसे संबंधित क्षेत्रों को भी समाहित किया गया है। इस नीति में टेक्सटाइल उद्यमियों के लिए कच्चे माल की उपलब्धता, कुशल कार्यबल, पर्यावरणीय चुनौतियां के समाधान व लॉजिस्टिक्स सहित आधारभूत सुविधाओं के विकास और निर्यात प्रोत्साहन के लिए पर्याप्त और आकर्षक वित्तीय इन्सेंटिव्स के प्रावधान किए गए हैं। नई राजस्थान टेक्सटाइल एवं अपैरल पॉलिसी के तहत जहां एक ओर वस्त्र व परिधान क्षेत्र के उद्योगों को प्रोत्साहन देने के लिए 10 वर्षों तक 80 करोड़ रूपये वार्षिक तक का एसेट क्रिएशन इंसेंटिव, भूमि/भवन क्रय या लीज पर स्टांप ड्यूटी व पंजीकरण शुल्क में 100 प्रतिशत छूट, बिजली उपभोग पर 100 प्रतिशत इलेक्ट्रिसिटी ड्यूटी छूट प्रदान की जाएगी। वहीं पर्यावरणीय समस्याओं को ध्यान में रखते हुए इस नीति में ग्रीन सॉल्यूशन इंसेंटिव के तहत 12.5 करोड़ रूपये तक 50 प्रतिशत, अक्षय ऊर्जा संयंत्रों के लिए बैंकिंग, व्हीलिंग व ट्रांसमिशन शुल्क का 100 प्रतिशत, पेटेंट/कॉपीराइट लागत का 50 प्रतिशत एवं भूमि रूपांतरण शुल्क का 100 प्रतिशत पुनर्भरण के प्रावधान किए गए हैं। इसी तरह निर्यात इकाइयों को फ्रेट चार्ज पर 25 प्रतिशत तथा कार्मिक प्रशिक्षण लागत का 50 प्रतिशत पुनर्भरण का प्रावधान किया गया है। हाल ही में अमेरिका द्वारा रेसिप्रोकल टैरिफ लगाए जाने के बाद वैश्विक स्तर पर आर्थिक परिदृश्य लगातार बदलावों से गुजर रहा है। भारतीय कपड़ा आयात पर लगभग 27 प्रतिशत पारस्परिक (त्मबपचतवबंस) टैरिफ अमेरिका द्वारा लगाया गया है जो इस क्षेत्र में प्रतिस्पर्धी देशों जैसे बांग्लादेश (37 प्रतिशत), वियतनाम (46 प्रतिशत), कंबोडिया (49 प्रतिशत), पाकिस्तान (29 प्रतिशत) और चीन (34 प्रतिशत) की तुलना में कम है। राजस्थान देश का चौथा सबसे बड़ा कपास उत्पादक राज्य है और यहां भीलवाड़ा, जयपुर, पाली एवं बालोतरा जैसे टेक्सटाइल हब के वस्त्र निर्माताओं के लिए लंबी अवधि में यह स्थिति अमेरिका को वस्त्र निर्यात बढ़ाने के लिए अनुकूल साबित हो सकती है। राजस्थान में टेक्सटाइल और गारमेंट क्षेत्र से जुड़े कुशल कार्यबल की भी पर्याप्त उपलब्धता है। इस परिदृश्य में प्रदेश में लागू की गई टेक्सटाइल एवं अपैरल पॉलिसी-2025 उद्यमियों एवं निर्यातकों के लिए सोने पर सुहागा साबित होगी। इस नीति का उद्देश्य आधुनिक अवसंरचना एवं तकनीकी उन्नयन के माध्यम से टेक्सटाइल वैल्यू चेन को मजबूती देना है। नीति के अंतर्गत समावेशी विकास पर विशेष ध्यान देते हुए इस क्षेत्र में 10 हजार करोड़ रूपये के निवेश तथा 2 लाख रोजगार के सृजन पर भी जोर दिया गया है। इस नीति के माध्यम से 5 नए टेक्सटाइल पार्क विकसित करने के साथ ही, नई व विस्तारित हो रही परिधान निर्माण इकाइयों को सहायता दी जाएगी।

राजस्थान में भजनलाल सरकार के सहयोग से 5 अप्रैल को ‘सरस लाडो मायरा योजना’ की शुरुआत हो रही

जयपुर राजस्थान में बेटियों के लिए एक नई सौगात लेकर आई है जयपुर डेयरी। भजनलाल सरकार के सहयोग से 5 अप्रैल 2025 को ‘सरस लाडो मायरा योजना’ की शुरुआत हो रही है, जिसके तहत जयपुर डेयरी के 1.5 लाख रजिस्टर्ड दुग्ध उत्पादक किसानों की बेटियों की शादी में 21 हजार रुपये का पारंपरिक मायरा दिया जाएगा। यह योजना सामाजिक परंपरा को निभाने के साथ-साथ आर्थिक सहारा भी प्रदान करेगी। लाडो प्रोत्साहन योजना के बाद अब डेयरी की पहल भजनलाल सरकार ने हाल ही में लाडो प्रोत्साहन योजना के तहत बेटियों के लिए सेविंग बॉण्ड की राशि 1 लाख से बढ़ाकर 1.5 लाख रुपये कर दी थी। अब उसी भावना को आगे बढ़ाते हुए जयपुर जिला दुग्ध उत्पादक संघ लिमिटेड (जयपुर डेयरी) ने बेटियों की शादी को यादगार बनाने के लिए मायरा योजना लागू की है। जयपुर डेयरी की स्वर्ण जयंती पर अनोखा उपहार अपनी स्थापना के 50 वर्ष पूरे होने के उपलक्ष्य में जयपुर डेयरी ने इस योजना को किसानों को समर्पित किया है। 1975 में 13 दुग्ध समितियों के साथ शुरू हुई यह संस्था अब 4 हजार से अधिक समितियों के साथ उत्तर राजस्थान की सबसे बड़ी डेयरी बन चुकी है। किसानों के सहयोग से हासिल इस मुकाम का उत्सव अब बेटियों की शादी में मायरा भरकर मनाया जाएगा। लिंगानुपात सुधार और बाल विवाह रोकथाम की दिशा में प्रयास जयपुर डेयरी के प्रबंध निदेशक मनीष फौजदार के अनुसार, यह योजना केवल आर्थिक मदद नहीं, बल्कि समाज में सकारात्मक बदलाव का माध्यम है। इसका उद्देश्य लिंगानुपात सुधारना, बेटियों के जन्म को प्रोत्साहित करना और बाल विवाह जैसी सामाजिक कुरीतियों को रोकना है। विशेष रूप से आर्थिक रूप से कमजोर किसानों को इससे राहत मिलेगी। मायरा: परंपरा से जुड़ी भावना और सम्मान राजस्थानी संस्कृति में मायरा सिर्फ एक रस्म नहीं, बल्कि बेटी के सम्मान की भावना है। यह परंपरा भगवान श्रीकृष्ण से जुड़ी पौराणिक कथा से प्रेरित है, जहां नरसी भगत की भक्ति से प्रभावित होकर श्रीकृष्ण ने उनकी बेटी का मायरा भरा था। उसी परंपरा को निभाते हुए अब जयपुर डेयरी हर बेटी के मायके की भूमिका निभाएगी। जयपुर डेयरी: एक नजर में     स्थापना: 22 मार्च 1975     राष्ट्र को समर्पण: 1981 में राष्ट्रपति ज्ञानी जैल सिंह द्वारा     उत्पादन: दूध, दही, श्रीखंड, आइसक्रीम, घी, मक्खन, पनीर, छाछ     दूध खरीद: प्रतिदिन 3,500 लीटर से अधिक     मार्केटिंग: प्रतिदिन 15 लाख लीटर से अधिक     समितियां: शुरुआत में 13, वर्तमान में 4,000+ नवाचार और सामाजिक सहभागिता की मिसाल जयपुर डेयरी की ‘सरस लाडो मायरा योजना’ सिर्फ एक सरकारी-गैर सरकारी सहयोग नहीं, बल्कि बेटियों की खुशियों, परंपरा की गहराई और किसानों की सहभागिता का सुंदर संगम है। रामनवमी से एक दिन पहले शुरू हो रही इस पहल ने पूरे राज्य में उत्साह और आशा का माहौल बना दिया है।

वक्फ विधेयक पर इंडिया ब्लॉक में शामिल दलों के बीच ही एक राय नहीं बन पा रही,शिवसेना-यूबीटी नहीं जाएगी SC

मुंबई वक्फ (संशोधन) विधेयक पर इंडिया ब्लॉक में शामिल दलों के बीच ही एक राय नहीं बन पा रही कि उन्हें इसका विरोध करना है या समर्थन. जहां एक ओर कांग्रेस और डीएमके ने संसद से पारित इस विधेयक को असंवैधानिक बताते हुए इसे सुप्रीम कोर्ट में चुनौती दी है, वहीं इंडिया ब्लॉक में शामिल उद्धव ठाकरे की पार्टी शिवसेना-यूबीटी ने विधेयक के खिलाफ सर्वोच्च अदालत नहीं जाने की बात कही है. हालांकि, उद्धव सेना ने इस बिल का लोकसभा और राज्यसभा में पुरजोर विरोध किया था. लेकिन अब पार्टी का कहना है कि उसके लिए यह फाइल अब बंद हो चुकी है. बिहार के किशनगंज से कांग्रेस सांसद मोहम्मद जावेद ने वक्फ (संशोधन) विधेयक की संवैधानिकता को सुप्रीम कोर्ट में चुनौती दी है. वह इस बिल को लेकर बनीं जॉइंट पार्लियामेंट्री कमेटी (JPC) के सदस्य भी थे. इस बारे में पूछे जाने पर शिवसेना-यूबीटी के प्रवक्ता और राज्यसभा सांसद संजय राउत ने कहा, ‘हम सुप्रीम कोर्ट नहीं जाएंगे. हमने हमारा काम कर दिया है. जो कहना था, जो बोलना था वो सब संसद के दोनों सदनों में हो गया. हमारे लिए ये फाइल अब बंद हो गई है.’ वक्फ बिल उद्योगपतियों के फायदे के लिए: राउत शिवसेना-यूबीटी नेता संजय राउत ने वक्त बिल को लेकर भाजपा की आलोचना की थी और इसे उद्योगपतियों के फायदे के लिए बनाया गया एजेंडा बताया था. अपना पक्ष रखते हुए संजय राउत ने कहा था, ‘वक्फ बिल का हिंदुत्व से कोई लेना-देना नहीं है. यह एक सामान्य बिल है. अगर कोई इसे हिंदुत्व से जोड़ रहा है तो वह मूर्ख है. अगर इस बिल से कोई संबंध है तो इसका साफ मकसद है कि भविष्य में कुछ उद्योगपतियों के लिए वक्फ बोर्ड की संपत्ति पर कब्जा करना आसान हो जाए.’ बता दें कि वक्फ (संशोधन) विधेयक को लोकसभा और राज्यसभा की मंजूरी मिल गई है और इसे राष्ट्रपति के पास उनके अनुमोदन के लिए भेजा गया है. राष्ट्रपति की मुहर लगने के बाद यह विधेयक कानून बन जाएगा और केंद्र सरकार द्वारा गजट अधिसूचना जारी होने के साथ ही यह पूरे देश में लागू हो जाएगा. लोकसभा में वक्फ बिल के समर्थन में 288 वोट पड़े, जबकि विपक्ष में 232 वोट. वहीं, राज्यसभा में इस बिल के समर्थन में 128 वोट पड़े, जबकि विरोध में 95 वोट. राज्यसभा में वक्फ बिल के विरोध में बोलने को लेकर एनसीपी सांसद प्रफुल्ल पटेल ने शिवसेना-यूबीटी सांसद संजय राउत पर कटाक्ष भी किया था. प्रफुल्ल पटेल ने किया था संजय राउत पर कटाक्ष प्रफुल्ल पटेल जब वक्फ बिल पर राज्यसभा में भाषण दे रहे थे, उस वक्त संजय राउत सदन में नहीं थे. एनसीपी सांसद की बात पर शिवसेना-यूबीटी सांसद प्रियंका चतुर्वेदी ने कुछ कहना चाहा तो उन्होंने कहा-यूबीटी आप मत बोलिए, क्योंकि आप दूसरी पार्टी में थीं. तब तक संजय राउत सदन में आ गए. उनके आते ही प्रफुल्ल पटेल ने बाबरी मस्जिद विध्वंस और बंबई धमाकों का जिक्र करके उन पर तंज कसा. प्रफुल्ल पटेल ने संजय राउत की ओर इशारा करते हुए कहा, ‘…आ गए, हमारे दोस्त आ गए. बाला साहेब ठाकरे  कहते थे कि उन्हें अभिमान है कि शिव सैनिकों ने बाबरी मस्जिद गिराई….और 92-93 के मुंबई दंगों में मेरे शिव सैनिकों ने हिंदुओं की रक्षा की. हमारे संजय भैया पहले टक…टक…टक…टक बोलते थे, लेकिन आज उन्हें समझ नहीं आ रहा है क्या बोलूं क्या नहीं.’ उनके इस बयान पर संजय राउत ने संसद के बाहर मीडिया से बातचीत में पलटवार किया. राउत ने कहा कि प्रफुल्ल पटेल को बाबा साहेब की याद आनी नहीं चाहिए. अपने पिता समान शरद पवार को खंजर घोंप कर भाग गए और अब निष्ठा की बात करते हैं. उन्होंने कहा, ‘प्रफुल्ल पटेल के किसके साथ संबंध थे, इकबाल मिर्ची और दाउद से…? ये आरोप मैं नहीं लगा रहा हूं, नरेंद्र मोदी ने ये आरोप लगाए थे और आप नहीं मानते तो ईडी की चार्जशीट पढ़ लें. ये चाटुकारिता करके वहां चले गए और बच गए, पर हम लोग डरने वाले नहीं हैं. इस तरह के लोगों को मैं वॉर्न करना चाहता हूं कि फिर से हमारे साथ कुछ करेंगे तो हमारे पास भी आपका पूरा कच्चा चिट्ठा है. ये लोग हमको क्लीन चिट दे रहे हैं. आप बीजेपी में जाइए और क्लीन चिट खरीद लीजिए.’ उनके इस बयान के बाद प्रफुल्ल पटेल ने संजय राउत को एक्स पर टैग करते हुए लिखा, ‘अंगूर खट्टे हैं…’. उन्होंने एक अन्य पोस्ट में लिखा, ‘बेहतर होता कि मेरे चरित्र और इतिहास के बारे में बात करने से पहले पवार साहब से जानकारी ले लेते.’  

अजमेर में जैन आचार्य श्री वसुंनंदीजी महा मुनिराज का भव्य मंगल प्रवेश

अजमेर धार्मिक नगरी अजमेर शनिवार को एक भव्य आध्यात्मिक आयोजन की साक्षी बनी, जब दिगंबर जैन समाज के प्रख्यात आचार्य श्री वसुंनंदीजी महामुनिराज का ससंघ शहर में मंगल प्रवेश संपन्न हुआ। लगभग 11 साधु-साध्वियों का तपस्वी संघ भी उनके साथ था। यह ऐतिहासिक क्षण गुरु-शिष्य के मिलन के साथ रोडवेज बस स्टैंड के समीप आरंभ हुआ, जहां श्रद्धालुओं में उत्साह और भक्ति का अद्भुत संगम देखने को मिला। मंगल प्रवेश यात्रा केंद्रीय बस स्टैंड से प्रारंभ होकर कचहरी रोड, गांधी भवन, नया बाजार चौपड़ होते हुए सोनीजी की नासिया तक पहुंची। मार्ग में जगह-जगह श्रद्धालुओं ने पग पछालकर आचार्य संघ का भव्य स्वागत किया। जयकारों और भक्ति गीतों से पूरा शहर आध्यात्मिक रंग में रंगा नजर आया। सोनीजी की नासिया में आयोजित विशेष धर्मसभा में हजारों श्रद्धालुओं ने भाग लिया। धर्मसभा में आचार्य श्री ने शांत, सरल और प्रभावशाली वाणी में प्रवचन देते हुए संयम, अहिंसा और आत्मकल्याण के मार्ग पर चलने की प्रेरणा दी। श्रद्धालुओं की विशाल उपस्थिति ने कार्यक्रम को अत्यंत सफल और ऐतिहासिक बना दिया। आचार्य श्री वसुंनंदीजी ससंघ का यह आगमन आगामी 20 से 25 अप्रैल तक नाका मदार स्थित श्री जिनशासन तीर्थ क्षेत्र में आयोजित पंचकल्याणक प्रतिष्ठा महोत्सव के अंतर्गत हुआ है। यह तीर्थ उत्तर भारत में दिगंबर जैन समाज का एक प्रमुख और भव्य तीर्थक्षेत्र बनने जा रहा है, जहां हर वर्ष देशभर से श्रद्धालु जुटेंगे। आयोजन समिति के अनुसार आगामी दो से तीन दिनों में आचार्य संघ के अन्य साधु-साध्वियां भी अजमेर पहुंचेंगे। विशेष रूप से 11 अप्रैल को 41 से अधिक साधु-साध्वियों का श्री जिनशासन तीर्थ क्षेत्र पर मंगल प्रवेश प्रस्तावित है, जो एक और भव्य आध्यात्मिक क्षण होगा। पंचकल्याणक महोत्सव को लेकर जैन समाज में विशेष उत्साह और तैयारियों का माहौल है। यह आयोजन समाज में संयम, श्रद्धा और अध्यात्म का संदेश फैलाने का एक प्रेरणादायक अवसर सिद्ध हो रहा है।  

युवती को सोशल मीडिया पर युवक से दोस्ती करना पड़ा भारी, दुष्कर्म और ब्लैकमेलिंग से परेशान होकर की एफआईआर

जोधपुर सोशल मीडिया पर अनजान लोगों से दोस्ती करना कितना खतरनाक साबित हो सकता है यह जोधपुर में एक मामले में सामने आया है, जहां एक युवती को इंस्टाग्राम पर एक युवक से दोस्ती करना भारी पड़ गया। युवक ने इलाज का बहाना बनाकर युवती को जोधपुर बुलाया और होटल में ले जाकर उसके साथ दुष्कर्म किया। युवती का यह भी आरोप है कि आरोपी ने उसका अश्लील वीडियो बनाकर बाद में उसे ब्लैकमेल किया और बार-बार शारीरिक शोषण किया। पुलिस के अनुसार पीड़िता ने जोधपुर पुलिस कमिश्नरेट के पश्चिमी जिले के एक थाने में शिकायत दर्ज करवाई है। युवती जोधपुर से सटे जिले की रहने वाली है और इंस्टाग्राम पर उसकी आरोपी युवक से पहचान हुई थी। युवक ने पहले सोशल मीडिया पर नजदीकियां बढ़ाईं फिर इलाज के बहाने जोधपुर बुलाकर एक होटल में ठहराया और वहां दुष्कर्म की घटना को अंजाम दिया। युवती का कहना है कि आरोपी ने होटल में ले जाकर उसके आपत्तिजनक वीडियो बनाए और फिर उन्हें दिखाकर धमकाता रहा। बार-बार ब्लैकमेलिंग से परेशान होकर पीड़िता ने अंततः पुलिस से संपर्क किया। थानाधिकारी ने बताया कि युवती की शिकायत पर मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है। पुलिस अब मामले की सभी पहलुओं से जांच कर रही है, साथ ही होटल की सीसीटीवी फुटेज और अन्य तकनीकी सबूत भी खंगाले जा रहे हैं।

पुलिस और जिला स्पेशल टीम की संयुक्त कार्रवाई में एक युवक को गिरफ्तार, दो पिस्टल और कारतूस बरामद

अजमेर जिले के नसीराबाद सदर थाना क्षेत्र में अवैध हथियारों के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत पुलिस और जिला स्पेशल टीम की संयुक्त कार्रवाई में एक युवक को गिरफ्तार किया गया है, जिसके पास से दो देशी पिस्टल और दो जिंदा कारतूस बरामद किए गए हैं। आरोपी की पहचान मनीष, निवासी घुघरा के रूप में हुई है। उसके खिलाफ आर्म्स एक्ट के तहत मामला दर्ज कर विस्तृत जांच शुरू कर दी गई है। मामले में थाना प्रभारी अशोक बिश्नोई ने जानकारी देते हुए बताया कि पुलिस मुख्यालय के निर्देशानुसार अवैध हथियारों के खिलाफ सभी थानों को सतर्क किया गया था। इसी क्रम में अजमेर एसपी वंदिता राणा के निर्देशन में नसीराबाद सदर थाना पुलिस और डीएसटी की टीम ने कार्रवाई की। पुलिस को सूचना मिली थी कि एक युवक हथियारों के साथ इलाके में मौजूद है। इस पर डीएसटी के हैड कांस्टेबल सीताराम और कांस्टेबल रामनिवास को भेजा गया। पुलिस टीम जैसे ही मौके पर पहुंची आरोपी मनीष ने भागने की कोशिश की लेकिन टीम की तत्परता से उसे पकड़ लिया गया। तलाशी के दौरान उसके पास से दो पिस्टल और दो जिंदा कारतूस बरामद हुए। पूछताछ में मनीष ने बताया कि वह ये हथियार मध्यप्रदेश से लाया था। कार्रवाई की सराहना करते हुए एसपी वंदिता राणा ने कहा कि पुलिस अवैध हथियारों को लेकर गंभीर है और भविष्य में भी ऐसे अभियान जारी रहेंगे। उन्होंने कहा कि अपराध नियंत्रण और जनता की सुरक्षा के लिए पुलिस सतर्कता के साथ काम कर रही है।

जयपुर सीरियल ब्लास्ट केस में चारों आरोपी दोषी करार, विशेष अदालत ने फैसला सुनाते हुए कहा 8 अप्रैल को होगी सजा

जयपुर राजधानी जयपुर में 13 मई 2008 को हुए सिलसिलेवार बम धमाकों के दौरान चांदपोल में मंदिर के पास मिले जिंदा बम मामले में आज विशेष अदालत ने चारों आरोपियों को दोषी ठहराया है। विशेष अदालत के न्यायाधीश रमेश कुमार जोशी ने फैसला सुनाते हुए कहा कि 8 अप्रैल को आरोपियों को सजा सुनाई जाएगी। हालांकि, आरोपियों को 124(A) (राजद्रोह) के आरोपों से बरी कर दिया गया है, लेकिन अन्य धाराओं में दोषी ठहराया गया है। 17 साल बाद आया बड़ा फैसला दरअसल, जयपुर में 17 साल पहले हुए सीरियल बम ब्लास्ट के दौरान 8 बम धमाके हुए थे, लेकिन नौवां बम चांदपोल बाजार के गेस्ट हाउस के पास मिला था। यह बम धमाकों के 15 मिनट पहले ही डिफ्यूज कर दिया गया था, जिससे एक बड़ा हादसा टल गया। अब इस जिंदा बम मामले में चारों आरोपियों को दोषी करार दिया गया है। इससे पहले जयपुर बम धमाकों से जुड़े 8 मामलों में यही आरोपी फांसी की सजा पा चुके थे, लेकिन राजस्थान हाईकोर्ट ने मार्च 2023 में सभी को बरी कर दिया था। हाईकोर्ट ने जांच एजेंसियों की कई खामियों को उजागर किया था, जिसके बाद सरकार ने इस फैसले के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट में अपील की थी, जो अभी पेंडिंग है। क्या है बम ब्लास्ट का पूरा मामला? गौरतलब है कि 13 मई 2008 को जयपुर के चारदीवारी इलाके में 8 सिलसिलेवार बम धमाके हुए थे। इन धमाकों में 72 लोगों की मौत हुई थी और 200 से अधिक लोग घायल हुए थे। इस मामले में विशेष अदालत ने पहले 20 दिसंबर 2019 को चार आरोपियों को फांसी की सजा सुनाई थी, लेकिन हाईकोर्ट ने मार्च 2023 में इस फैसले को पलटते हुए चारों आरोपियों को बरी कर दिया। इसके बाद राज्य सरकार ने इन चारों को जिंदा बम रखने के मामले में गिरफ्तार किया और उनके खिलाफ एक नया केस दर्ज किया गया। 4 आरोपी दोषी करार, पहले हो चुके हैं बरी जिंदा बम मामले में दोषी करार दिए गए चारों आरोपी मोहम्मद सैफ, सैफुर्रहमान, मोहम्मद सरवर आजमी और शाहबाज अहमद हैं। मोहम्मद सैफ और सैफुर्रहमान फिलहाल जयपुर सेंट्रल जेल में बंद हैं। मोहम्मद सरवर आजमी और शाहबाज अहमद जमानत पर बाहर हैं। इससे पहले इन चारों आरोपियों को 2019 में जयपुर बम धमाकों में दोषी करार देते हुए फांसी की सजा दी गई थी, लेकिन राजस्थान हाईकोर्ट ने मार्च 2023 में सभी को बरी कर दिया था। 112 गवाह और 1200 दस्तावेज पेश किए गए इस मामले में अभियोजन पक्ष ने 112 गवाहों के बयान दर्ज कराए और करीब 1200 दस्तावेज अदालत में पेश किए। साइकिल मैकेनिक दिनेश महावर ने बताया कि किसी ने उसके पास बम वाली साइकिल कसवाई थी। पत्रकार प्रशांत टंडन और पूर्व एडीजी अरविंद कुमार जैन को भी गवाह बनाया गया था। पहले हाईकोर्ट ने क्यों किया था बरी? राजस्थान हाईकोर्ट ने मार्च 2023 में आरोपियों को बरी करते हुए कहा था कि अभियोजन पक्ष यह साबित करने में नाकाम रहा कि साइकिल बम किसने रखी थी। अदालत ने जांच एजेंसियों की खामियों पर भी सवाल उठाए थे। वहीं, अब जिंदा बम मामले में चारों आरोपियों को दोषी करार दिया गया है, जिससे इस केस में नया मोड़ आ गया है।

राज्यपाल की केंद्रीय श्रम एवं रोजगार मंत्री डॉ. मनसुख मांडविया से मुलाकात

जयपुर, राज्यपाल हरिभाऊ बागडे की शुक्रवार को दिल्ली में केंद्रीय श्रम एवं रोजगार मंत्री डॉ. मनसुख मांडविया से मुलाकात हुई।  इस दौरान दोनों ने विभिन्न विषयो पर चर्चा की। राज्यपाल और केंद्रीय मंत्री डॉ. मांडविया की यह शिष्टाचार भेंट थी।

राज्यपाल की केंद्रीय सहकारिता और नागरिक उड्डयन राज्य मंत्री मुरलीधर मोहोल से मुलाकात

जयपुर, राज्यपाल  हरिभाऊ बागडे की शुक्रवार को नई  दिल्ली में केंद्रीय सहकारिता और नागरिक उड्डयन राज्य मंत्री मुरलीधर मोहोल से मुलाकात हुई।  इस दौरान दोनों ने विभिन्न विषयो पर चर्चा की। राज्यपाल और केंद्रीय मंत्री श्री मोहोल की यह शिष्टाचार भेंट थी।

आईपीएल: कलेक्टर ने ली बैठक, अधिकारियों को दिए सख्त निर्देश, नागरिक सुरक्षा स्वयंसेवकों को किया जायेगा तैनात

 जयपुर आईपीएल के दौरान जयपुर के सवाई मानसिंह स्टेडियम में सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत करने के लिए नागरिक सुरक्षा स्वयंसेवकों को तैनात किया जाएगा। जिला कलेक्टर डॉ. जितेंद्र कुमार सोनी की अध्यक्षता में हुई बैठक में यह निर्णय लिया गया। बैठक में पुलिस, प्रशासन और अन्य संबंधित विभागों के अधिकारी भी मौजूद रहे। कलेक्टर ने अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए कि मैचों के दौरान किसी भी प्रकार की अव्यवस्था या अप्रिय घटना से बचने के लिए सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए जाएं। आईपीएल मैचों के दौरान स्टेडियम में भारी भीड़ की संभावना को देखते हुए नागरिक सुरक्षा स्वयंसेवकों को विशेष रूप से तैनात किया जाएगा। ये स्वयंसेवक स्टेडियम के अंदर और बाहर विभिन्न स्थानों पर निगरानी रखेंगे और पुलिस प्रशासन की सहायता करेंगे। सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए नागरिक सुरक्षा स्वयंसेवकों को विशेष ट्रेनिंग दी जाएगी। इस प्रशिक्षण में उन्हें भीड़ नियंत्रण, आपदा प्रबंधन, अग्नि सुरक्षा और प्राथमिक चिकित्सा जैसी आवश्यक जानकारियां प्रदान की जाएंगी। इससे वे किसी भी आपात स्थिति में प्रभावी ढंग से कार्य कर सकेंगे। सुरक्षा व्यवस्था को और सख्त बनाने के लिए प्रशासन ने रणनीति तैयार की है, जिसके तहत प्रवेश और निकास द्वार पर प्रत्येक दर्शक की गहन जांच सुनिश्चित की जाएगी, स्टेडियम और आसपास के क्षेत्रों की सुरक्षा के लिए सीसीटीवी कैमरों और ड्रोन की मदद ली जाएगी। किसी भी अप्रिय स्थिति से निपटने के लिए नागरिक सुरक्षा स्वयंसेवकों को पूरी तरह से प्रशिक्षित किया जाएगा। इसके अलावा पार्किंग व्यवस्था को सुचारू रूप से संचालित करने और ट्रैफिक नियंत्रण में भी ये स्वयंसेवक सहायता करेंगे। आईपीएल के दौरान स्टेडियम में उमड़ने वाली भीड़ को देखते हुए यह कदम सुरक्षा की दृष्टि से बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है। प्रशासन की इस पहल से दर्शकों को सुरक्षित और व्यवस्थित माहौल में मैच का आनंद उठाने का अवसर मिलेगा।

प्रधानमंत्री कृषि सिंचाई योजना-2.0 की समीक्षा बैठक— परियोजनाओं के समयबद्ध क्रियान्वयन के दिए निर्देश

जयपुर, प्रधानमंत्री कृषि सिंचाई योजना-2.0 (जल ग्रहण विकास घटक) की समीक्षा बैठक शुक्रवार शासन सचिवालय स्थित पंचायती राज सभागार में आयोजित हुई। बैठक की अध्यक्षता करते हुए भू-संसाधन विभाग, भारत सरकार के संयुक्त सचिव श्री नितिन खाड़े ने कहा कि पीएमकेएसवाई 2.0 जलग्रहण विकास योजना भूजल वृद्धि, जल उपलब्धता और गुणवत्ता में बढ़ोतरी के जरिए किसानों की आय और जीवन स्तर में सुधार लाने वाली महत्वपूर्ण योजना है। उन्होंने कहा कि योजना का उद्देश्य एकीकृत दृष्टिकोण में वाटरशेड विकास परियोजनाएं चलाकर देश के बंजर और वर्षा सिंचित क्षेत्रों का सतत विकास सुनिश्चित करना है। संयुक्त सचिव ने योजना अन्तर्गत केन्द्र सरकार से प्राप्त राशि का अधिकतम उपयोग करने के निर्देश प्रदान किये जिससे योजना के निर्धारित लक्ष्यों को पूर्ण किया जा सके। उन्होंने आशा जताई कि जून, 2025 तक राज्य अधिकतम राशि का उपयोग कर लेगा। उन्होंने जल ग्रहण परियोजनाओं में जन भागीदारिता के साथ अधिक से अधिक कार्य लेने पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि इन योजनाओं के सफल क्रियान्वयन के लिए एनजीओ की भागीदारी सुनिश्चित करें। उन्होंने जिला प्रभारियों को योजना अंतर्गत किये जाने वाले कार्यों की स्वीकृति उनके क्रियान्वयन एवं प्रगति हेतु समय सारणी बनाकर उनके अनुसार क्रियान्वयन करने के निर्देश दिये। श्री खाड़े ने राजस्थान में जल ग्रहण विकास योजनाओं में तकनीक के बेहतरीन उपयोग की प्रशंसा की। उन्होंने अधिकाधिक पौधारोपण के बारे में राजस्थान द्वारा तैयार किये गये विभिन्न पौधारोपण मॉडल, जिनमें पौधो के जीवित रहने एवं  ग्राम पंचायत की आय बढने की अधिक संभावना हैं, की भी प्रशंसा की। बैठक के प्रारंभ में पंचायती राज विभाग के शासन सचिव एवं आयुक्त डाॅ. जोगाराम ने श्री खाडे़ का स्वागत करते हुये राजस्थान में प्रधानमंत्री कृषि सिंचाई योजना 2.0 अन्तर्गत चल रही जल ग्रहण विकास योजनाओं की प्रगति के बारे में जानकारी दी। अंत में मुहम्मद जुनैद, निदेशक एवं पदेन संयुक्त शासन सचिव, जलग्रहण विकास एवं भू-संरक्षण विभाग ने धन्यवाद ज्ञापित किया और केन्द्र सरकार द्वारा किये गये लक्ष्यों का तय समय सीमा में पूरी करने का आश्वासन दिया। बैठक में सभी जिलों से विभाग के प्रतिनिधि वीसी के माध्यम से सम्मिलित हुए और योजना की प्रगति की जानकारी दी।

उपमुख्यमंत्री दिया कुमारी ने किया एसआईपीएफ विभाग द्वारा विकसित चैटबॉट का लोकार्पण

जयपुर,  प्रदेश के लगभग 12.5 लाख कर्मचारियों एवं पेंशनर्स को जीपीएफ और राज्य बीमा खातों की जानकारी अब एक क्लिक पर प्राप्त हो सकेगी । राज्य बीमा एवं प्रावधायी निधि विभाग द्वारा विकसित चैटबॉट के माध्यम से उन्हें यह जानकारी प्राप्त होगी। उपमुख्यमंत्री दिया कुमारी ने शुक्रवार को उपमुख्यमंत्री कार्यालय से इस चैटबॉट का लोकार्पण किया। इस अवसर पर उपमुख्यमंत्री ने कहा कि विभाग द्वारा किया गया यह नवाचार राज्य के लाखों कार्मिकों और पेंशनर्स के लिए ऋण आदि की सुविधा में साहूलियत देने वाला महत्वपूर्ण कदम साबित होगा। उन्होने कहा कि मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के नेतृत्व में सरकार द्वारा सूचना तकनीक एवं अन्य नवाचारों के द्वारा जन-सुविधाओं को सुलभ करने की दिशा में कदम उठाये जा रहे है। उसी कडी में यह महत्वपूर्ण पहल है। ऋण की पात्रता, खाते की राशि आदि जानकारी एक क्लिक पर- शासन सचिव वित्त (व्यय) नवीन जैन ने बताया कि विकसित किये गए एआई आधारित चैटबॉट के माध्यम से एसआईपीएफ मोबाईल एप, वेबसाईट एवं पोर्टल पर हिंदी एवं अग्रेजी भाषा में राज्य कार्मिक उनके राज्य बीमा एवं जीपीएफ योजना के तहत ऋण एवं आहरण की पात्रता, खाते जमा राशि, मनोनीत व्यक्ति की जानकारी आसानी से तथा किसी भी समय प्राप्त कर सकते है। उन्होंने बताया कि कर्मचारियों द्वारा पूछे जाने वाले सभी सवाल चैटबॉट पर उपलब्ध होगे, कार्मिक जिस सवाल पर क्लिक करेंगा उसको उसका जवाब तत्काल प्राप्त हो जायेगा। निदेशक राज्य बीमा एवं प्रावधायी निधि विभाग हेमपुष्पा शर्मा ने इस दौरान सभी का स्वागत करते हुए कहा कि विभाग सभी कार्मिकों का आर्थिक एवं सामाजिक सुरक्षा प्रदान करने के लिए कृत संकल्पित है। इस अवसर पर उपमुख्यमंत्री ने विभाग द्वारा तैयार किए गए ब्राउजर का भी विमोचन किया। इस दौरान संयुक्त शासन सचिव, वित्त (बीमा) धन लाल शेरावत सहित विभाग के वरिष्ठ अधिकारी मौजूद थे।

राजस्थान में भीषण गर्मी का प्रकोप, बाड़मेर और जैसलमेर, हीट वेव का अलर्ट जारी

जयपुर राजस्थान में भीषण गर्मी ने अपना प्रकोप दिखाना शुरू कर दिया है। पश्चिमी राजस्थान में बाड़मेर और जैसलमेर देश के सर्वाधिक गर्म स्थानों में शामिल हो गए हैं। गुजरात के सुंदरनगर के बाद बाड़मेर दूसरे नंबर पर देश में सबसे गर्म इलाका दर्ज किया गया है। यहां पिछले 24 घंटों में अधिकतम तापमान 42.4 डिग्री दर्ज किया गया है। वहीं मौसम विभाग ने चेतावनी दी है कि अगले 3 दिनों तक न्यूनतम व अधिकतम तापमान में 4 डिग्री का इजाफा हो सकता है। यानी अप्रेल में राजस्थान में अधिकतम तापमान 45 डिग्री के भी पार जा सकता है। जयुपर मौसम केंद्र ने 6 अप्रेल को बाड़मेर, जैसलमेर और इनके आसपास के इलाकों में जबरदस्त हीटवेव चलने की चेतावनी भी जारी की है। वहीं 7 अप्रेल के लिए भी भीलवाड़ा, जोधपुर, बीकानेर, बाड़मेर और जैसलमेर में हीट वेव का अलर्ट जारी किया गया है।   पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव से चला अंधड़ इधर प्रदेश में पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव से राजधानी जयपुर सहित कई शहरों में कल देर शाम अंधड़ चला। हालांकि मौसम विभाग ने जयपुर सहित कई जगहों पर ओलावृष्टि की चेतावनी दी थी।  प्रदेश में बीते 24 घंटों में तापमान की स्थिति इस प्रकार रही।  प्रदेश के ज्यादातर शहरों में अधिकतम तापमान व न्यूनतम तापमान का स्तर सामान्य औसत से उपर बना हुआ है। सर्वाधिक तापमान बाड़मेर में 42.4 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। वहीं निम्नतम न्यूनतम तापमान संगरिया में 14.1 डिग्री रहा। प्रदेश के अन्य शहरों में तापमान की स्थिति इस प्रकार रही। प्रदेश के अधिकांश शहरों में हवा में आर्द्रता की मात्रा 10 से 30 प्रतिशत के बीच रही। अजमेर में अधिकतम तापमान 36.9 व न्यूनतम 21.2 डिग्री रहा। अलवर में अधिकतम तापमान 39 व न्यूनतम तापमान 12.5 डिग्री रहा।  जयपुर में अधिकतम 36.2 व न्यूतनम 24 डिग्री रहा। पिलानी में अधिकतम 38.3 व न्यूनतम 19 डिग्री रहा। सीकर में अधिकतम 37 व न्यूनतम 20.5 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। कोटा में अधिकतम 39.7 व न्यूनतम 22 डिग्री दर्ज किया गया। वहीं चित्तोड़गढ़ में अधिकतम तापमान 38.9 डिग्री व न्यूनतम 20.3 डिग्री दर्ज किया गया।

राजस्थान की एंटी गैंगस्टर टॉस्क फोर्स दुबई से गिरफ्तार कर लाई कुख्यात शूटर आदित्य को, पूछताछ के बाद नागौर में होगी पेशी

जयपुर लॉरेंस गैंग के कुख्यात शूटर आदित्य जैन को दुबई से गिरफ्तार कर लिया गया है। आदित्य का काम गैंग के लिए टारगेट ढूंढकर उन्हें फोन पर धमकाने का था। राजस्थान पुलिस को पिछले लंबे अरसे से शूटिंग और अन्य आपराधिक मामलों में इसकी तलाश थी। आदित्य को पकड़ने के लिए इंटरपोल की मदद ली गई। इसके खिलाफ रेड कॉर्नर नोटिस जारी किया गया था। राजस्थान की एंटी गैंगस्टर टॉस्क फोर्स को इनपुट मिला था कि आदित्य दुबई में बैठकर देश में थ्रेड कॉल दे रहा है। इसकी लोकेशन पता चलने पर एंटी गैंगस्टर टॉस्क फोर्स की इंटरपोल टीम, जिसे डीआईजी योगेश यादव और एएसपी नरोत्तम वर्मा लीड कर रहे थे ने कार्रवाई को अंजाम देते हुए आदित्य को गिरफ्तार किया। जानकारी के मुताबिक दुबई से अजय को सुबह 8 बजे जयपुर एयरपोर्ट लाया गया है। पहले अजय को पुलिस मुख्यालय ले जाया जा रहा है। इसके बाद इसे जयपुर से नागौर लेकर जाएंगे, जहां कोर्ट में इसकी पेशी होगी। कैसे धरा गया आदित्य लॉरेंस विश्नोई गैंग के गुर्गे आदित्य के खिलाफ रेड कॉर्नर नोटिस जारी किया गया था। यूएई की पुलिस ने आदित्य के बारे में इंटरपोल रेफरेंस सीबीआई को दिया। सीबीआई की तरफ से राजस्थान पुलिस को इसकी जानकारी दी गई। इसके बाद यूएई पुलिस ने आदित्य को डिटेन किया और राजस्थान पुलिस को एक टीम भेजने के लिए कहा। राजस्थान पुलिस की तरफ से एएसपी सिद्धांत शर्मा की अगुवाई में यूएई टीम भेजी गई जो आदित्य को कस्टडी में लेकर जयपुर पहुंची है।

टायर फैक्ट्री में भीषण आग, लाखों का माल जलकर खाक, पांच घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद पाया काबू

हनुमानगढ़ जिले के नोहर कस्बे में गुरुवार शाम एक टायर फैक्ट्री में भीषण आग लग गई, जिससे फैक्ट्री की सभी मशीनें और टायर जलकर राख हो गए। आग की लपटें इतनी तेज थीं कि कई किलोमीटर दूर से दिखाई दे रही थीं। थाना प्रभारी ईश्वरानंद शर्मा के अनुसार नोहर शहर से लगभग एक किलोमीटर दूर सोती मार्ग पर दादा टायर फैक्ट्री में यह आग लगी। फैक्ट्री के मालिक नवाबदीन हैं। आग इतनी तेजी से फैली कि कोई कुछ समझ पाता, उससे पहले ही फैक्ट्री पूरी तरह इसकी चपेट में आ गई और काला धुआं आसमान में फैल गया। सूचना मिलते ही सबसे पहले नोहर से फायर ब्रिगेड मौके पर पहुंची। स्थानीय लोगों ने भी पानी के टैंकरों से आग बुझाने की कोशिश की लेकिन तेज हवाओं के चलते आग पर काबू नहीं पाया जा सका। इसके बाद भादरा, हनुमानगढ़, रावतसर, पीलीबंगा, ऐलनाबाद और हरियाणा के सिरसा से भी दमकल वाहन बुलाए गए। करीब पांच घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद आग पर नियंत्रण पाया गया। घटना की जानकारी मिलते ही विधायक अमित चाचाण, प्रधान सोहन ढिल, एसडीएम पंकज गढ़वाल, नगर पालिका ईओ बसंत सैनी और थाना प्रभारी ईश्वरानंद मौके पर पहुंचे। मौके पर मौजूद स्थानीय युवक हुसैन भाटी ने बताया कि आग लगते ही बड़ी संख्या में लोग मौके पर पहुंचे और आग बुझाने में सहायता करने लगे। कई ग्रामीण अपने ट्रैक्टर और लोडर लेकर आए और जान जोखिम में डालकर आग की लपटों के बीच से बचे हुए टायरों को बाहर निकाला। पुलिसकर्मियों और ग्रामीणों ने मिलकर टायरों को हटाया, जिससे आग को फैलने से रोका जा सका। बहरहाल फैक्ट्री को हुए नुकसान का प्रशासन और फैक्ट्री मालिक द्वारा आकलन किया जा रहा है।

slot server thailand super gacor

spaceman slot gacor

slot gacor 777

slot gacor

Nexus Slot Engine

bonus new member

olympus

situs slot bet 200

slot gacor

slot qris

link alternatif ceriabet

slot kamboja

slot 10 ribu

https://mediatamanews.com/

slot88 resmi

slot777

https://sandcastlefunco.com/

slot bet 100

situs judi bola

slot depo 10k

slot88

slot 777

spaceman slot pragmatic

slot bonus

slot gacor deposit pulsa

rtp slot pragmatic tertinggi hari ini

slot mahjong gacor

slot deposit 5000 tanpa potongan

mahjong

spaceman slot

https://www.deschutesjunctionpizzagrill.com/

spbo terlengkap

cmd368

368bet

roulette

ibcbet

clickbet88

clickbet88

clickbet88

bonus new member 100

slot777

https://bit.ly/m/clickbet88

https://vir.jp/clickbet88_login

https://heylink.me/daftar_clickbet88

https://lynk.id/clickbet88_slot

clickbet88

clickbet88

https://www.burgermoods.com/online-ordering/

https://www.wastenotrecycledart.com/cubes/

https://dryogipatelpi.com/contact-us/

spaceman slot gacor

ceriabet link alternatif

ceriabet rtp

ceriabet

ceriabet link alternatif

ceriabet link alternatif

ceriabet login

ceriabet login

cmd368

sicbo online live

Ceriabet Login

Ceriabet

Ceriabet

Ceriabet

Ceriabet

casino online

clickbet88

login kudahoki88

Ceriabet

Ceriabet

Ceriabet