LATEST NEWS

मंडप में दूल्हे की उम्र पर उठे सवाल, बारात के साथ आए दूल्हे की उम्र लगभग 40 साल थी, सच्चाई जान दुल्हन ने किया शादी से इनकार

रायबरेली उत्तर प्रदेश के रायबरेली जिले में एक अजीब घटना सामने आई है, जिसमें दूल्हा बदलने का मामला उजागर हुआ। यह घटना तब सामने आई जब झज्जर जिले के झुजनू गांव से बारात आई और शादी की तैयारियां चल रही थीं। इस दौरान किसी ने दूल्हा बदलने की आशंका जताई और जब बारातियों से पूछताछ की गई, तो यह शक सही साबित हुआ। 25 साल के लड़के से तय हुई शादी, बारात लेकर पहुंचा 40 साल का दूल्हा सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक, मिल एरिया थाना क्षेत्र के राघनपुर गांव के निवासी सुनील कुमार ने अपनी बहन की शादी पानीपत में तय की थी। बीते सोमवार को बारात पानीपत से रायबरेली पहुंची, लेकिन वहां जो दूल्हा दिखाई दिया, वह वही नहीं था, जिसे पहले लड़की पक्ष ने देखा था। शादी के बिचौलियों के जरिए यह फैसला हुआ था, लेकिन जब दूल्हे का नाम पूछा गया, तो यह पता चला कि वह व्यक्ति जो पहले दिखाया गया था, वह 20-25 साल का था, जो पानीपत का निवासी था। जबकि बारात के साथ आए दूल्हे की उम्र लगभग 40 साल थी और वह झज्जर का रहने वाला था। सच्चाई जान दुल्हन ने किया शादी से इनकार बताया जा रहा है कि इस पर लड़की पक्ष ने जब शक जताया, तो पूरी सच्चाई सामने आ गई। दुल्हन और उसके परिवार के लोग बहुत हैरान हो गए। बिचौलियों ने दावा किया कि असली दूल्हे का पैर टूट गया था, इसलिए उसकी जगह दूसरे व्यक्ति को दूल्हा बना कर भेजा गया था। लेकिन यह बात सुनकर लड़की ने शादी से साफ इनकार कर दिया। सूचना मिलने के बाद घटनास्थल पर दौड़ी-दौड़ी आई पुलिस इसके बाद लड़की पक्ष ने तुरंत पुलिस को मामले की जानकारी दी, जिसके बाद पुलिस ने दूल्हा और बिचौलियों को अपनी निगरानी में ले लिया और मामले का हल निकालने के लिए सुलह-समझौते की कोशिश शुरू कर दी है। अब पुलिस मामले की जांच कर रही है और जल्द ही सच्चाई सामने आ सकती है।

संभल की शाही जामा मस्जिद में सफाई, रंगाई-पुताई के मामले में इलाहाबाद हाईकोर्ट ने दी मंजूरी

Global Skill Park should

संभल उत्तर प्रदेश के संभल की विवादित शाही जामा मस्जिद की रंगाई-पुताई की मांग से जुड़ी याचिका पर सुनवाई करते हुए इलाहाबाद हाईकोर्ट ने रंगो-रोगन की मंजूरी दे दी है. इलाहाबाद हाईकोर्ट के इस फैसले से मुस्लिम पक्ष यानी कि जामा मस्जिद कमेटी को बड़ी राहत मिली है. हाईकोर्ट ने एएसआई को एक हफ्ते के भीतर मस्जिद की रंगाई-पुताई कराने का आदेश दिया है. हालांकि इस फैसले के साथ ही कोर्ट ने यह भी कहा कि है रंगाई-पुताई केवलस मस्जिद के बाहरी हिस्सों में होगी. दरअसल, मस्जिद कमेटी ने भी सिर्फ बाहरी हिस्से में रंगाई पुताई की इजाजत मांगी थी. जस्टिस रोहित रंजन अग्रवाल के सिंगल बेंच में बुधवार को मामले की सुनवाई हुई. हाईकोर्ट ने पहले ही साफ सफाई की मांग को मंजूर कर लिया था. आर्कियोलॉजिकल सर्वे ऑफ़ इंडिया ने बताया कि मस्जिद परिसर में साफ-सफाई का काम पूरा भी करा चुका है. कोर्ट ने संभल जामा मस्जिद की नॉर्म्स के मुताबिक रंगाई पुताई का निर्देश दिया है. साथ ही कोर्ट ने यह भी कहा कि बिना कुछ छेड़छाड़ किए बाहर से रोशनी की सजावट की जा सकती है. अगली सुनवाई 8 अप्रैल को होगी. बता दें कि रमजान शुरू होने से पहले मस्जिद कमेटी ने एएसआई से मस्जिद की रंगाई-पुताई की अनुमति मांगी थी, जिसे खारिज कर दिया गया था. इसके बाद मस्जिद कमेटी ने हाईकोर्ट का रुख किया. इस दौरान हिंदू पक्ष ने आरोप लगाया था कि रंगाई-पुताई के बहाने मस्जिद के निर्माण में छेड़छाड़ की जा सकती है. हालांकि शुरुआती सुनवाई में हाईकोर्ट भी लगातार टालता रहा और एएसआई से रिपोर्ट मांगी थी. इसपर एएसआई ने कहा था कि मस्जिद की रंगाई-पुताई की अभी जरूरत नहीं है, साफ-सफाई कराई जा सकती है. हालांकि अब कोर्ट ने मस्जिद कमेटी को शाही जामा मस्जिद की रंगाई-पुताई की अनुमति दे दी है.

भाजपा ने संगठन पर्व के तहत दिसंबर में बूथ और मंडल अध्यक्षों के चयन प्रक्रिया पूरी की, खत्म होने वाला है इंतजार

प्रयागराज भाजपा ने संगठन पर्व के तहत दिसंबर में बूथ और मंडल अध्यक्षों के चयन प्रक्रिया पूरी की। इसकी सूची जनवरी में जारी हुई। इधर, जिला अध्यक्षों की चयन प्रक्रिया पूरी हो गयी है। राष्ट्रीय एवं प्रदेश संगठन के चुनाव अधिकारी व पर्यवेक्षक राष्ट्रीय एवं प्रदेश संगठन के शीर्ष नेतृत्व के साथ बैठक हो चुकी है। महानगर, गंगापार और यमुनापार की कमान किसे मिलेगी? उसके लिए होली तक इंतजार करना पड़ेगा। भाजपा ने अभी तक हर वर्ग के लोगों को अध्यक्ष पद की जिम्मेदारी दी है। इसमें खत्री समाज के वेद प्रकाश गुलाटी, ब्राह्मण से केशरीनाथ त्रिपाठी, राम गोपाल संड, मनोज दुबे जैन से सुनील चंद्र जैन, क्षत्रिय महिला वर्ग से कमला सिंह, पिछडा वर्ग से रणजीत सिंह, वैश्य पिछड़ा वर्ग महिला समाज से शशि वाष्र्णेय, पिछड़ा वैश्य समाज अवधेश चंद्र गुप्ता, सामान्य वैश्य वर्ग से गणेश केसरवानी महानगर अध्यक्ष बने हैं। वर्तमान जिला अध्यक्ष राजेंद्र मिश्र भी ब्राह्मण हैं, उन्हें दूसरी बार अवसर मिला है। प्रवक्ता राजेश केसरवानी के अनुसार महानगर अध्यक्ष के लिए 69 लोगों ने आवेदन किया है। जातीय समीकरण के आधार पर अध्यक्ष का चयन हो सकता है। जिनका प्रतिनिधित्व नहीं होगा उन्हें अवसर मिल सकता है। इस दृष्टि से अनुसूचित समाज और पिछड़ा जायसवाल समाज के कार्यकर्ता को मौका मिलने की उम्मीद है। फिलहाल चर्चा में कुंजबिहारी मिश्र, राजेंद्र मिश्रा, मृत्युंजय तिवारी, श्याम चंद्र हेला, प्रमोद मोदी, आशीष गुप्ता, अर्चना शुक्ला, संजय गुप्ता, वरुण केसरवानी, ज्ञानेश्वर शुक्ला, रवि, राजेश केसरवानी, रमेश पासी, देवेश सिंह, राजेश सिंह पटेल, अनिल भट्ट, सचिन जायसवाल, अनिल केसरवानी, रविंद्र त्रिपाठी जैसे नाम शामिल हैं।   गंगापार में 50 दावेदार गंगापार में जिला अध्यक्ष के लिए 50 लोगों ने आवेदन किया है। इसमें प्रमुख रूप से अमरनाथ यादव, कविता पटेल, संजय द्विवेदी, निर्मला पासवान, अनिरुद्ध पटेल, आशीष केसरवानी, रोहित केसरवानी, दिलीप यादव का नाम शामिल है। ब्राह्मण या पटेल बिरादरी से अध्यक्ष का चयन हो सकता है। घोषणा में विलंब से कार्यकर्ता हो रहे निष्क्रिय यमुनापार इकाई में पार्टी अध्यक्ष की घोषणा में विलंब होने से कार्यकर्ताओं के निष्क्रिय होने की बात कही जा रही है। प्रवक्ता दिलीप चतुर्वेदी के अनुसार कुल 54 लोगों ने दावेदारी की है। सूत्रों का कहना है कि सामान्य वर्ग से इस बार अध्यक्ष बनाया जा सकता है। लोकसभा और विधानसभा यमुनापार में भाजपा से सामान्य वर्ग की उपस्थिति शून्य हो चुकी है। वर्तमान में जिलाध्यक्ष का दायित्व पिछड़ा वर्ग के पास है। यहां किसान मोर्चा क्षेत्रीय उपाध्यक्ष रमाकांत विश्वकर्मा, पिछड़ा मोर्चा क्षेत्रीय अध्यक्ष अश्वनी सिंह पटेल, रंगबलि पटेल के साथ जिला महामंत्री राजेश शुक्ल, किसान मोर्चा जिलाध्यक्ष अरुण सिंह पप्पू व दिलीप कुमार चतुर्वेदी चर्चा में हैं। उधर, यमुनापार के 20 मंडलों में एक भी अनूसूचित वर्ग के व्यक्ति को दायित्व न मिलने पर असंतोष है। इस आधार पर कुछ लोग मान रहे कि अनूसूचित वर्ग की झोली में जिला अध्यक्षी जा सकती है। इसमें पूर्व जिलाध्यक्ष विभवनाथ भारती, प्रदेश महिला मोर्चा मंत्री आकांक्षा सोनकर, बृजेश भारतीया का नाम प्रमुख है।

जौहर यूनिवर्सिटी के आसपास थी शत्रु संपत्ति, आजम खां की पत्नी, बेटे और बहन की अंतरिम जमानत 20 मार्च तक बढ़ी

रामपुर शत्रु संपत्ति से संबंधित अभिलेख खुर्द-बुर्द मामले में आरोपित बनाए गए सपा नेता आजम खां की पत्नी पूर्व सांसद तजीन फातमा, बड़े बेटे अदीब और बहन निगहत अखलाक की अंतरिम जमानत अवधि अब 20 मार्च तक बढ़ गई है। मंगलवार को तीनों की स्थायी जमानत अर्जी पर सुनवाई होनी थी। इसके लिए तीनों न्यायालय में पेश हुए। उनके अधिवक्ता विनोद शर्मा ने बताया कि हड़ताल के कारण स्थायी जमानत अर्जी पर सुनवाई नहीं हो सकी और न्यायालय ने अंतरिम जमानत की अवधि बढ़ा दी है। साल 2020 का है मामला यह मुकदमा रिकॉर्ड रूम के सहायक अभिलेखपाल मोहम्मद फरीद की ओर से सिविल लाइंस थाने में नौ मई 2020 को लखनऊ के पीरपुर हाउस निवासी सैयद आफाक अहमद व अज्ञात के विरुद्ध दर्ज कराया गया था। इसमें शत्रु संपत्ति को खुर्द-बुर्द करने का आरोप है। जौहर यूनिवर्सिटी के आसपास थी शत्रु संपत्ति यह शत्रु संपत्ति आजम खां की जौहर यूनिवर्सिटी के आसपास थी, जो इमामुद्दीन कुरैशी पुत्र बदरुद्दीन कुरैशी के नाम दर्ज थी। इमामुद्दीन कुरैशी विभाजन के समय देश छोड़कर पाकिस्तान चले गए थे। वर्ष 2006 में यह संपत्ति शत्रु संपत्ति के रूप में दर्ज कर ली गई थी। राजस्व विभाग के रिकॉर्ड में फर्जीवाड़ा का आरोप भूमि के रिकॉर्ड की जांच करने पर पता चला था कि राजस्व विभाग के रिकॉर्ड में फर्जीवाड़ा कर शत्रु संपत्ति को खुर्द-बुर्द करने के लिए आफाक अहमद का नाम गलत तरीके से राजस्व रिकॉर्ड में अंकित कर दिया था। रिकॉर्ड के पन्ने फटे हुए पाए गए थे। आजम खां के बेटे अब्दुल्ला को पहले मिल गई है जमानत इसमें आजम खां और उनके बेटे अब्दुल्ला समेत जौहर ट्रस्ट के अन्य सदस्य आरोपित बनाए गए थे। ट्रस्ट में ज्यादातर लोग आजम खां के परिवार के हैं। इसमें अब्दुल्ला की जमानत अर्जी 18 फरवरी को मंजूर हुई थी, जबकि अगले दिन डॉ. तजीन फात्मा, अदीब आजम और निगहत अखलाक की अंतरिम जमानत अर्जी मंजूर हुई थी। तब से तीनों अंतरिम जमानत पर हैं। सवा सोलह महीने बाद जेल से घर आए थे अब्दुल्ला समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय महासचिव आजम खां के बेटे अब्दुल्ला आजम सवा सोलह माह बाद 26 फरवरी को जेल से बाहर आए थे। उनके घर के पास जमा लोगों ने उनका स्वागत किया था। बता दें कि फर्जी जन्म प्रमाण पत्र मामले में सजा होने के बाद 18 अक्टूबर 2023 को उन्हें अदालत ने जेल भेज दिया था। इसके बाद 22 अक्टूबर को उन्हें हरदोई जेल में शिफ्ट कर दिया गया था। तब से ही वह जेल में थे।

अब्दुल रहमान ने ISIS के हैंडलर अबू सुफियान के संपर्क में आकर अयोध्या स्थित राम मंदिर पर हमले की साजिश रची

लखनऊ हरियाणा के फरीदाबाद जिले से गिरफ्तार अयोध्या के रहने वाले अब्दुल रहमान के ISIS से जुड़ने का खुलासा हुआ है। अब्दुल रहमान ने ISIS के हैंडलर अबू सुफियान के संपर्क में आकर अयोध्या स्थित राम मंदिर पर हमले की साजिश रची थी। अबू सुफियान ने ही उसे इस आतंकी हमले के लिए उकसाया था। अब्दुल रहमान की आतंकवादी गतिविधियों का खुलासा सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक, अब्दुल रहमान के सोशल मीडिया पर हथियार चलाने के वीडियो अपलोड करने के बाद वह सुरक्षा एजेंसियों के रडार पर आ गया था। गिरफ्तार करने के बाद उसके घर से सुरक्षा बलों ने कई डमी हथियार बरामद किए हैं, जिनमें लकड़ी की बंदूक, एयर गन, रॉकेट लांचर, पिस्तौल और हैंड ग्रेनेड के डमी शामिल हैं। ये सभी डमी हथियार अब्दुल रहमान की निशानदेही पर बरामद किए गए। राम मंदिर पर हमला करने की थी योजना बताया जा रहा है कि अब्दुल रहमान की गिरफ्तारी के बाद सुरक्षा एजेंसियां उससे पूछताछ कर रही हैं और अब अयोध्या/फैजाबाद में उसके साथियों और मददगारों की तलाश की जा रही है। बता दें कि 2 मार्च को गुजरात एंटी टेररिस्ट स्क्वाड (ATS) और फरीदाबाद स्पेशल टास्क फोर्स (STF) ने संयुक्त ऑपरेशन में उसे गिरफ्तार किया था। अब्दुल रहमान (19) उत्तर प्रदेश के फैजाबाद (अयोध्या) का रहने वाला है और उसे फरीदाबाद से गिरफ्तार किया गया था, जहां वह आतंकी साजिश को अंजाम देने की तैयारी में था। उसके पास से दो हैंड ग्रेनेड भी बरामद हुए थे, जिन्हें सुरक्षा बलों ने तुरंत निष्क्रिय कर दिया था। ISIS से जुड़े अब्दुल रहमान का आतंकवादी नेटवर्क पुलिस के मुताबिक, अब्दुल रहमान पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी ISI के संपर्क में था और उसे अयोध्या के राम मंदिर पर आतंकी हमले के लिए तैयार किया गया था। जांच में यह भी सामने आया है कि वह कई कट्टरपंथी संगठनों से जुड़ा था और फैजाबाद में एक मटन शॉप चला रहा था। अब्दुल रहमान ने पहले भी अयोध्या के राम मंदिर की रेकी की थी और वहां की सुरक्षा व्यवस्था की महत्वपूर्ण जानकारी ISI को दी थी। आतंकियों का उद्देश्य राम मंदिर पर हैंड ग्रेनेड से हमला करके बड़े पैमाने पर तबाही मचाना था।

अस्पतालों में मुसलमानों के लिए अलग वार्ड बनाया जाए, जिससे हिंदू समुदाय सुरक्षित महसूस कर सके: विधायक केतकी सिंह

बलिया विधानसभा सदन में भोजपुरी में बोलने वाली बलिया के बांसडीह विधायक केतकी सिंह ने एक हैरान कर देने वाला बयान दिया है। सोमवार को बलिया पहुंचीं भाजपा एमएलए ने मीडिया से बातचीत करते हुए अस्पतालों में मुसलमानों के लिए अलग वार्ड बनाने की बात कही। उन्होंने कहा कि मुस्लिमों के लिए एक अलग विंग या बिल्डिंग बनाई जाए। जिससे हिंदू समुदाय सुरक्षित महसूस कर सके। उनका ये बयान अब सोशल मीडिया पर जमकर वायरल हो रहा है। हाल ही में यूपी बजट में बलिया को मेडिकल कॉलेज का तोहफा मिला। यूपी विधानसभा सत्र खत्म होने के बाद बांसडीह विधायक केतकी सिंह सोमवार को बलिया पहुंची। यहां भाजपा कार्यकर्ताओं ने उनका जमकर स्वागत किया। मेडिकल कॉलेज के लिए उन्होंने सीएम योगी आदित्यनाथ को धन्यवाद दिया। साथ ही इसका श्रेय जनता को दिया। हालांकि मीडिया से बातचीत के दौरान केतकी सिंह कुछ ऐसा कह गईं जो अब सोशल मीडिया पर जमकर वायरल हो रहा। दरअसल मेडिकल कॉलेज बनने को लेकर उन्होंने कहा, “मुसलमानों को तय करना है कि क्योंकि होली, दीवाली, रामनवमी जब होती है तो उनको दिक्कत होने लगती है। हो सकता है कि हमारे साथ इलाज कराने में भी उनको दिक्कत होने लगे। जब इतना खर्चा हो ही रहा है तो महराज जी (सीएम योगी) से एक कमरा बना ही दिया जाए, एक अलग विंग या बिल्डिंग बना ही दिया जाए। अगर आपको हमारे साथ रहने में दिक्कत है तो वहां इलाज करा लो।” केतकी सिंह ने आगे कहा, “हमारा इलाज तो होना ही है और अच्छा होना है। ये मांग कर रही हूं कि जब मेडिकल कॉलेज बन ही रहा है तो एक अलग विंग उन लोगों के लिए बना ही दिया जिससे हम भी सुरक्षित महसूस करें। क्या पता किस चीज पर थूक-थूकाकर हमें मिल जाए। उससे भी सुरक्षित रहें।” सदन में भोजपुरी में संबोधन पर विधायक का स्वागत सदन में पहली बार भोजपुरी में बोलने वाली भाजपा विधायक केतकी सिंह का सोमवार को विधानसभा सत्र के बाद पहली बार जिले में आगमन पर कार्यकर्ताओं ने रेलवे स्टेशन से लेकर उनके मैरीटार स्थित घर तक जगह-जगह स्वागत किया। लखनऊ-छपरा एक्सप्रेस से बलिया रेलवे स्टेशन पर पहुंची विधायक को कार्यकर्ताओं ने फूल-मालाओं से लाद दिया।

होली खेलने के वक्त ही पढ़नी है नमाज़ तो जैसे बेगम हिजाब पहनती हैं, वैसे ही एक तिरपाल पहन लें, ताकि रंगों से बच जाएं : मंत्री रघुराज सिंह

लखनऊ उत्तर प्रदेश सरकार में दर्जा प्राप्त राज्य मंत्री रघुराज सिंह ने अलीगढ़ में विवादित बयान दिया है. उन्होंने कहा है कि होली में जिसको रंग से बचना है वह तिरपाल (पॉलिथीन) का हिजाब पहने, जैसे मुस्लिम महिलाएं पहनती हैं. पुरुष भी वैसे ही तिरपाल पहनें ताकि रंग से उनकी टोपी और शरीर बचा रहे, अगर ये नहीं कर सकते तो घर पर ही रहें. मंत्री रघुराज सिंह ने आगे कहा कि होली में व्यवधान उत्पन्न करने वालों के लिए तीन जगहें हैं- जेल जाएं, प्रदेश छोड़ दें या फिर यमराज के पास अपना नाम लिखवा लें. रघुराज सिंह ने यह भी कहा कि अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी में मंदिर बनेगा, उन लोगों को बहुसंख्यकों का सम्मान करना चाहिए. मंत्री रघुराज सिंह ने मीडिया से बात करते हुए कहा कि साल में 52 बार जुमे आते हैं और होली एक दिन. इसलिए एक दिन देरी से नमाज पढ़ लें. अगर नमाज होली खेलने के वक्त ही पढ़नी है तो मेरा सुझाव है कि जैसे बेगम हिजाब पहनती हैं, वैसे ही एक तिरपाल पहन लें, ताकि रंगों से बच जाएं. बकौल मंत्री- सरकार का आदेश है कि होली मनाई जाएगी, होली मनेगी भी. क्योंकि, यह एक आस्था का प्रश्न है. सतयुग, द्वापर, त्रेता के बाद अब कलयुग में भी होली मनाई जा रही है. रंगों से बचना है तो टोपी वाले लोग तिरपाल का अच्छा से एक हिजाब बनवाएं और उसको पहनकर बाहर जाएं. इससे उनकी टोपी गीली नहीं होगी. चूंकि, हम यह नहीं कह सकते कि रंग 20 मीटर तक डालो या 25 मीटर तक डालो, ऐसा हो नहीं सकता, जिनको रंग से ऐतराज है वह ये काम करें. जिनको एतराज नहीं है उनका स्वागत है. अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी मामले में मंत्री रघुराज सिंह ने कहा कि AMU प्रशासन से मैं आग्रह करूंगा कि यह यूनिवर्सिटी हिंदुस्तान में है, पाकिस्तान में नहीं. जैसा बांग्लादेश में हिंदुओं के साथ व्यवहार हो रहा है, वैसा नहीं चलेगा. यहां बहुसंख्यकों के अनुरूप चलना पड़ेगा. हमारे टैक्स से इनको सैलरी मिलती है. AMU वाले गलतफहमी के शिकार ना हों. हिंदुस्तान का कानून यहां लागू होता है. तब कांग्रेस का जमाना था, जिसमें ये सब चलता था, लेकिन अब होली मनाई जाएगी और होली में जो व्यवधान करेगा उसके लिए जेल का रास्ता है. नहीं तो प्रदेश छोड़ दो या ऊपर चले जाओ. मंत्री ने यह भी कहा कि AMU में मंदिर बनाया जाए इसके लिए मैं सहमत हूं. वहां मस्जिद है तो मंदिर भी होना चाहिए. मंदिर बना तो मैं सबसे पहला व्यक्ति रहूंगा जो जमीन-जायदाद बेचकर दान दूंगा. अबू धाबी में मंदिर बन सकता है तो एएमयू में क्यों नहीं बन सकता है. इन लोगों को बड़ा दिल दिखाना चाहिए. जो कठमुल्ले मंदिर का विरोध कर रहे हैं उनको कहना चाहूंगा कि तुम्हारे बाप दादाओं के पैसे से यूनिवर्सिटी संचालित नहीं होती. हम लोगों के पैसे से यूनिवर्सिटी संचालित होती है. इसलिए मंदिर बनना ही चाहिए. अपनी हद पार नहीं करनी चाहिए.   BHU कैंपस में छात्रों ने एक दूसरे को लगाया रंग और गुलाल, भोजपुरी गानों पर किया डांस काशी हिंदू विश्वविद्यालय में होली पर फाल्गुन की मस्ती का उल्लास छात्र-छात्राओं के सिर चढ़कर बोला। भोजपुरी गीतों पर थिरकते युवाओं के कदम और एक दूसरे को रंगों सराबोर कर देने को जो सिलसिला चला तो बीएचयू में मस्ती का आलम छाया रहा। साइंस स्टूडेंट्स ने चौराहे पर ही खेली कपड़ा फाड़ होली भरपूर आनंद साइंस के स्टूडेंट ने लिया उन्होंने अपने हॉस्टल के ठीक सामने डीजे की व्यवस्था की और कपड़ा फाड़ होली खेली। इतना ही नहीं भोजपुरी गानों की भरमार रही। एक दूसरे को स्टूडेंट रंग पोते दिखाई दिए इसमें छात्राएं भी शामिल रही। हर कोई एक दूसरे को होली की बधाई देते दिखाई दिया क्योंकि छुट्टी के बाद सभी स्टूडेंट अपने घर होली मनाने के लिए जाएंगे।  

योगी सरकार लखनऊ समेत कई जिलों में जल्द ही जमीनों के सर्किल रेट का कराने जा रही पुनरीक्षण

 लखनऊ यूपी को उत्तम प्रदेश बनाने के लिए प्रतिबद्ध योगी सरकार लखनऊ समेत कई जिलों में जल्द ही जमीनों के सर्किल रेट का पुनरीक्षण कराने जा रही है। कैबिनेट मीटिंग में योगी सरकार ने सोमवार को इसकी मंजूरी भी दे दी है। जिन जनपदों में वर्षों से जमीनों की सर्किल रेट का पुनरीक्षण नहीं हुआ है, वहां प्राथमिकता पर इस कार्रवाई को पूरा किए जाने पर फोकस किया जा रहा है। 1 जनवरी 2024 से अब तक प्रदेश के 37 जिलों में जमीनों के सर्किल रेट के पुनरीक्षण की प्रक्रिया पूरी हो चुकी है। कुछ जिलों में पुनरीक्षण प्रक्रिया जारी है, वहीं अन्य जिलों में भी इसे जल्द ही शुरू किए जाने की योजना है। बतादें कि जमीन के सर्किल रेट का पुनरीक्षण होने का सबसे बड़ा फायदा किसानों को मिलता है। पुनरीक्षण प्रक्रिया पूरी होने पर कानून के अनुसार भूमि अधिग्रहण में किसानों को जमीन का सही मूल्य मिलने का मार्ग प्रशस्त होता है। यही कारण है कि योगी सरकार द्वारा प्रदेश में जारी विकासपरक कार्यों को आगे बढ़ाने के लिए सभी जिलों में जमीनों के सर्किल रेट से जुड़ी पुनरीक्षण प्रक्रिया को पूरा करने पर फोकस किया जा रहा है। जिलाधिकारी द्वारा न्यूनतम मूल्य का किया जाता है निर्धारण उत्तर प्रदेश स्टाम्प (संपत्ति का मूल्यांकन) की द्वितीय संशोधन नियमावली–2013 नियम 4(1) के अंतर्गत जिलाधिकारी द्वारा अगस्त के महीने में वार्षिक रूप से जिले के विभिन्न भागों में स्थित कृषि व अकृषक भूमि का न्यूनतम मूल्य प्रति हेक्टेयर/प्रति वर्गमीटर का दर निर्धारित किए जाने का उल्लेख है। आवश्यकता होने पर जिलाधिकारी द्वारा वर्ष के मध्य में भी सर्किल दर सूची का पुनरीक्षण का कार्य किया जा सकता है। ऐसे में, प्रदेश में 1 जनवरी 2024 से लेकर अब तक 37 जिलों में जमीनों के सर्किल रेट के पुनरीक्षण की प्रक्रिया पूरी हो चुकी है। गौतमबुद्ध नगर, आगरा व अलीगढ़ समेत कई जिलों में प्रक्रिया जारी हाल ही में मुख्य सचिव के समक्ष हुई समीक्षा बैठक में इस विषय पर विचार-विमर्श किया गया था, जिसमें मुख्य सचिव द्वारा निर्णय लेते हुए पुनरीक्षण की कार्रवाई को तेजी से आगे बढ़ाने का निर्देश दिया गया था। जिन जिलों में वर्षों से पुनरीक्षण प्रक्रिया पूरी नहीं हुई है, उनमें लखनऊ, वाराणसी, गोरखपुर, बागपत, इटावा, कन्नौज, हापुड़, बुलंदशहर, मेरठ, महाराजगंज, कुशीनगर, अयोध्या, अम्बेडकरनगर, एटा, कासगंज, मुजफ्फरनगर, बदायूं, झांसी, जालौन, ललितपुर, संत कबीरनगर, कौशाम्बी व प्रयागराज आदि प्रमुख हैं। इन सभी जिलों में जल्द ही पुनरीक्षण की कार्रवाई शुरू की जाएगी। वहीं शामली, सहारनपुर, मीरजापुर, अलीगढ़, बांदा, हमीरपुर, आगरा, सुल्तानपुर, अमेठी व गौतमबुद्ध नगर समेत कई जिलों में फिलहाल पुनरीक्षण की प्रक्रिया जारी है।

अयोध्या में सुहागरात पर दूल्हा-दुल्हन की मौत कैसे हुई? पोस्टमार्टम रिपोर्ट में सामने आ गई सच्चाई

 अयोध्या  यूपी के अयोध्या में सुहागरात पर दूल्हा और दुल्हन की मौत का मामला चर्चा में है। दोनों की पोस्टमार्टम रिपोर्ट आ गई है। दूल्हे ने दुल्हन की रात 12 बजे के करीब गला दबाकर हत्या की थी। दुल्हन की मौत के आधे घंटे बाद दूल्हे ने भी फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली थी। दोनों की मौत की वजह अभी भी रहस्य है। मामला थाना कैंट के सहादतगंज मुरावन टोला का है। क्या है पूरा मामला? उत्तर प्रदेश के अयोध्या में एक परिवार में उस समय खुशियां मातम में बदल गईं, जब सुहागरात पर ही दूल्हा और दुल्हन दोनों की मौत हो गई। 7 मार्च को इनकी शादी थी। 8 मार्च को दुल्हन विदा होकर ससुराल आई और सुहागरात के दौरान ही दूल्हे और दुल्हन की मौत हो गई। घर पूरा सजा हुआ था। परिवार के लोग प्रीतिभोज की तैयारी कर रहे थे, लेकिन सुबह जब 7 बजे दूल्हा-दुल्हन का दरवाजा नहीं खुला, तो परिजनों को शक हुआ और दरवाजा तोड़कर देखा तो सबके होश उड़ गए। दुल्हन बिस्तर पर मृत पड़ी थी, तो दूल्हा छत के हुक से लटका हुआ था। आनन-फानन में पुलिस और लड़की के घरवालों को सूचना दी गई। शादी के ठीक अगले ही दिन नवविवाहित जोड़े की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। दूल्हा प्रदीप का शव छत के हुक से लटका मिला, जबकि दुल्हन का शव बेड पर पड़ा था। इस घटना से पूरे परिवार और इलाके में मातम छा गया। बेटी की मौत की खबर सुनकर मां का रो-रोकर बुरा हाल है। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची। समाजवादी पार्टी के सांसद अवधेश प्रसाद भी घटनास्थल पर पहुंचे। इस घटना से इलाके में शोक और सन्नाटा पसरा हुआ है। इस घटना को सुनकर हर कोई हैरान है और यह समझ नहीं पा रहा है कि आखिर वो कौन सी वजह होगी कि एक शख्स ने अपनी सुहागरात पर ही पहले पत्नी को मार डाला और फिर खुद को फांसी लगा ली।

गेहूं के खेत में सूटकेस में मिला युवती का शव, छानबीन कर रही पुलिस

बुलंदशहर उत्तर प्रदेश के बुलंदशहर जिले में सूटकेस में एक युवती का शव मिला है। सूटकेस में शव मिलने की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और उसे कब्जे में लिया। पोस्टमार्टम कराकर विसरा को आगे की जांच के लिए सुरक्षित रखा गया है। मृत युवती की उम्र 24-25 वर्ष बताई जा रही है। फिलहाल, पुलिस पूरे मामले की छानबीन कर रही है। हत्या करके फेंकने की आशंका यह पूरा मामला जिले के सिकंदराबाद कोतवाली क्षेत्र का है। जहां, भौंखेड़ा गांव के जंगल के पास गेहूं के खेत में सूटकेस के भीतर युवती का शव मिला है। पुलिस युवती की शिनाख्त करने का प्रयास कर रही है। आशंका जताई जा रहा है कि हत्या करके शव को यहां लाकर फेंका गया है। खेत के आस-पास रहने वाले लोगों से पूछताछ की जा रही है। सिकंदराबाद के सीओ पूर्णिमा सिंह ने बताया कि हमें जो लाश मिली है, वो एक युवती का है और उसकी उम्र 24-25 साल है। युवती के शव पर किसी प्रकार के चोट के निशान नहीं मिले है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद मौत के सही कारण का पता च पाएगा। फिलहाल, हम आसपास के क्षेत्र में मृत युवती की पहचान करने में जुटे हुए है। मृत युवती की फोटो आस-पास के थाने में भेजी गई है। साथ ही क्षेत्र में कराए गए गुमशुदगी रिपोर्ट को भी खंगाला जा रहा है।

रमजान और इस्लाम धर्म पर आपत्तिजनक पोस्ट, मुस्लिम समुदाय के युवक सड़क पर, पुलिस ने लाठी चार्ज कर युवकों को खदेड़ा

सहारनपुर सहारनपुर जनपद के बेहट में पिछले कुछ दिनों से रमजान और इस्लाम धर्म के खिलाफ सोशल मीडिया पर आपत्तिजनक पोस्ट को लेकर तनाव जारी है। सोमवार को इस मामले में नया मोड़ आ गया। मुस्लिम समुदाय के युवाओं ने बस स्टैंड पर एकत्र होकर नारेबाजी की। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और स्थिति को नियंत्रण में करने के लिए लाठीचार्ज किया। इसके बाद पुलिस ने कुछ लोगों को हिरासत में भी लिया। दरअसल, चार दिन पहले इस्माइलपुर पठानपुरा के रहने वाले एक युवक की फेसबुक आईडी से पोस्ट डाली गई थी, जो रमजान और इस्लाम धर्म को लेकर की गई थी। उसी दिन युवक कोतवाली में पहुंच गया था और पुलिस को बताया कि किसी ने उसकी फेसबुक आईडी को हैक कर लिया है। उसकी फेसबुक आईडी से लगातार आत्तिजनक पोस्ट डलती रही। मुस्लिम समुदाय के लोगों ने आपत्ति जताई। उनकी मांग है कि युवक को गिरफ्तार किया जाए। पुलिस ने युवक के खिलाफ केस कर दर्ज जांच शुरू कर दी थी, लेकिन सोमवार को मुस्लिम समुदाय के युवा भारी संख्या में बस स्टैंड पर पहुंचे। पता लगते ही पुलिस भी मौके पर पहुंच गई। भारी पुलिस बल तैनात कर दिया। माहौल को भांपते हुए पुलिस ने भीड़ पर लाठीचार्ज कर दिया। कुछ युवाओं को हिरासत में लिया। बताया जा रहा है कि भीड़ में कुछ बाहरी युवा शामिल है। स्थिति को नियंत्रित करते हुए गश्त बढ़ा दी गई है, ताकि किसी भी प्रकार की अप्रिय घटना से बचा जा सके। 

कंटेनर और कार की जोरदार टक्कर, पांच की मौत, 3 घायल

बस्ती उत्तर प्रदेश के बस्ती जिले में दर्दनाक सड़क हादसा हुआ है। हादसे में पांच लोगों की मौत हो गई है। जबकि तीन लोग घायल हो गए। घायलों को अस्पताल में भर्ती कराया गया है। मौके पर पहुंची पुलिस ने शवों को कब्जे में लेकर जांच शुरू कर दी है। जानकारी के अनुसार, लखनऊ-गोरखपुर फोरलेन पर बस्ती के नगर थाना क्षेत्र के गोटवा के पास सोमवार सुबह लाइन बदल रहे कंटेनर में लग्जरी कार की टक्कर हो गई। कार में सवार पांच लोगों की मौके पर ही मौत हो गई। जबकि तीन अन्य गंभीर रूप से घायल हो गए। मृतकों की पहचान शिवराज सिंह पुत्र होमपाल सिंह, जिला संभल, शकील पता अज्ञात, बिस्वजीत पता अज्ञात, बहारन पता अज्ञात, डॉ प्रेम पुत्र नंदलाल, तरकुलही जसोपुर थाना खोराबार गोरखपुर के रुप में हुई है। वहीं, घायलों की पहचान छागूर यादव पुत्र उमा यादव, जिला गोपालगंज, भुआल पुत्र शंभू प्रसाद, गोपालगंज बिहार, अनिरुद्ध पुत्र सूर्यनाथ, थाना खोराबार के रुप में हुई है। स्थानीय लोगों ने बताया कि बस्ती की तरफ जा रहा कंटेनर अचानक लाइन बदलने लगा। तभी सामने से आ रही कार की भीषण टक्कर हो गई। कार बुरी तरह से क्षतिग्रस्त हो गई। कार सवार लोग भी बुरी तरह से दब गए। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची। किसी तरह से वाहन को काटकर कार से अंदर से लोगों को निकाला। पांच लोगों की मौत हो गई, जबकि तीन घायलों को अस्पताल में भर्ती कराया गया है।   हादसे के बाद हाईवे पर दोनों लाइन में जाम लग गया। मृतकों में एक की पहचान हो पाई है जो कार का चालक है। ड्राइवर प्रेम खोराबार थाना क्षेत्र जनपद गोरखपुर के तरकुलही जसोपुर का रहने वाला है। कार सवार सभी लोग गुजरात से बिहार और गोरखपुर जा रहे थे।  

योगी आदित्यनाथ की अध्यक्षता में कैबिनेट की बैठक, हो सकते हैं कई अहम फैसले

लखनऊ  मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की अध्यक्षता में सोमवार सुबह कैबिनेट की बैठक होगी, जिसमें कई विभागों के प्रस्तावों को मंजूरी प्रदान की जाएगी। तत्पश्चात योगी मंत्रिमंडल की बैठक करेंगे, जिसमें मंत्रियों को आगामी कार्यक्रमों और संगठनात्मक चुनावाें के दृष्टिगत अहम दिशा-निर्देश दिया जाएगा। वहीं देर शाम सीएम जेवर एयरपोर्ट के निर्माण कार्य की समीक्षा भी करेंगे, ताकि जल्द पीएम मोदी से लोकार्पण कराया जा सके। पीएम मोदी से मिले योगी, मंत्रिमंडल विस्तार समेत कई मुद्दों पर की चर्चा मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने रविवार को दिल्ली में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मुलाकात की। करीब एक घंटे की मुलाकात के दौरान दोनों के बीच मंत्रिमंडल विस्तार, संगठनात्मक चुनाव जैसे अहम मुद्दों पर चर्चा हुई। इस दौरान सीएम योगी ने पीएम से अप्रैल में नोएडा स्थित जेवर एयरपोर्ट के उद्घाटन के लिए समय देने का अनुरोध भी किया। सूत्रों की मानें तो सीएम ने प्रदेश में प्रस्तावित मंत्रिमंडल विस्तार के साथ पार्टी के नए प्रदेश अध्यक्ष के नामों पर भी चर्चा की। बता दें, योगी शनिवार को भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा से भी मिले थे।  इसके बाद पीएम से सीएम की इस मुलाकात को सरकार और संगठन में बदलावों पर सहमति बनाने के रूप में देखा जा रहा है। पार्टी सूत्रों की मानें तो होली के बाद संभावित मंत्रिमंडल विस्तार में 6 नए चेहरों को जगह दी जा सकती है। वहीं, कुछ वर्तमान मंत्रियों को संगठन में भेजा जा सकता है तो कुछ के विभाग बदले जा सकते हैं। विस्तार में ओबीसी और दलित नेताओं को जगह देकर सपा के पीडीए को भी जवाब देने की कवायद हो सकती है। भाजपा के सांगठनिक चुनाव के तहत जिलाध्यक्षों की सूची जारी होने के साथ नए प्रदेश अध्यक्ष को भी चुना जाना है। चर्चा है कि पीएम ने इन सभी मुद्दों पर सीएम की राय जानी और अहम निर्देश दिए।

अब घर बैठे करें रामलला और अन्य प्रमुख मंदिरों के दर्शन, अयोध्या विकास प्राधिकरण ने लॉन्च किया यह खास ऐप

अयोध्या अयोध्या में स्थापित रामलला की प्राण प्रतिष्ठा के बाद से बड़ी संख्या में श्रद्धालु अयोध्या पहुंच रहे हैं, और इस भीड़ को ध्यान में रखते हुए अयोध्या प्रशासन और श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट श्रद्धालुओं को बेहतर सुविधाएं देने के लिए लगातार काम कर रहे हैं। इसी प्रयास के तहत, अयोध्या विकास प्राधिकरण ने ‘अयोध्या यात्रा’ नामक एक नया ऐप लॉन्च किया है, जिसके माध्यम से श्रद्धालु अब घर बैठे ही राम मंदिर, हनुमानगढ़ी, कनक भवन और अयोध्या के अन्य प्रमुख मठ मंदिरों का लाइव दर्शन कर सकेंगे। जानिए, ऐप की प्रमुख सुविधाएं सूत्रों के मुताबिक, इस ऐप की मदद से श्रद्धालु आरती में भी शामिल हो सकते हैं और अयोध्या के प्रमुख मंदिरों के लाइव दर्शन कर सकते हैं। यह ऐप 8 अलग-अलग भाषाओं में उपलब्ध होगा, जिससे भारतीय और विदेशी श्रद्धालुओं दोनों को सुविधा मिलेगी। इस ऐप के जरिए लोग अयोध्या के 20 से अधिक मंदिरों का लाइव दर्शन कर सकेंगे, साथ ही इन मंदिरों से जुड़ी पौराणिक, धार्मिक और ऐतिहासिक जानकारी भी प्राप्त कर सकेंगे। 3D वर्चुअल टूर की सुविधा अयोध्या विकास प्राधिकरण के उपाध्यक्ष अश्वनी पांडेय ने बताया कि इस ऐप में श्रद्धालुओं को 3D वर्चुअल टूर की सुविधा भी मिलेगी, जिससे वे मंदिरों का और उनकी विशेषताओं का गहरा अनुभव कर सकेंगे। उन्होंने कहा कि यह ऐप खासतौर पर उन श्रद्धालुओं के लिए है, जो अयोध्या नहीं आ सकते, लेकिन वे घर बैठे ही अयोध्या के विभिन्न मंदिरों के दर्शन कर सकते हैं और उनके बारे में अधिक जान सकते हैं। आगे और शहरों में भी होगी लॉन्चिंग अश्वनी पांडेय ने यह भी बताया कि इस ऐप को अयोध्या के बाद काशी, मथुरा और उज्जैन महाकाल जैसे प्रमुख धार्मिक स्थलों पर भी लॉन्च किया जाएगा, ताकि और अधिक श्रद्धालुओं को ऑनलाइन दर्शन का लाभ मिल सके। वर्तमान में इस ऐप में हिंदी और इंग्लिश के अलावा अन्य आठ भाषाओं का विकल्प भी दिया गया है, जिससे विदेशी पर्यटकों को भी सही जानकारी प्राप्त हो सके। इस ऐप की लॉन्चिंग से अयोध्या में श्रद्धालुओं के लिए एक नई सुविधा शुरू हुई है, जो उन्हें घर बैठे धार्मिक स्थानों के दर्शन और पूजन का अनुभव प्रदान करेगी।

महाकुंभ में आयोजित इस राष्ट्रीय स्तर की प्रदर्शनी में खादी उत्पादों की कुल बिक्री 12.02 करोड़ रुपये तक पहुंच गई

प्रयागराज प्रयागराज में आयोजित महाकुंभ के दौरान खादी और ग्रामोद्योग उत्पादों की बिक्री ने नया कीर्तिमान स्थापित किया। 14 जनवरी से 27 फरवरी, 2025 तक आयोजित इस राष्ट्रीय स्तर की प्रदर्शनी में खादी उत्पादों की कुल बिक्री 12.02 करोड़ रुपये तक पहुंच गई। यह जानकारी सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्यम मंत्रालय के खादी और ग्रामोद्योग आयोग (केवीआईसी) के अध्यक्ष मनोज कुमार ने दी। प्रदर्शनी में कुल 98 खादी स्टॉल और 54 ग्राम उद्योग स्टॉल लगाए गए थे। इन स्टॉल्स पर खादी उत्पादों की कुल बिक्री 9.76 करोड़ रुपये तक पहुंची, जबकि ग्राम उद्योग उत्पादों की बिक्री 2.26 करोड़ रुपये रही। पीएम नरेंद्र मोदी की ‘खादी क्रांति’ के प्रभाव के कारण इस वर्ष बिक्री में अभूतपूर्व वृद्धि देखी गई। ‘नए भारत के लिए नई खादी’ अभियान को बढ़ावा खादी को बढ़ावा देने के लिए ‘नए भारत के लिए नई खादी’ अभियान को और मजबूती दी गई। इसी कड़ी में, केवीआईसी अध्यक्ष मनोज कुमार ने दिल्ली स्थित केवीआईसी के राजघाट कार्यालय से वीडियो कॉन्फ्रेंस के जरिए छह राज्यों के 205 मधुमक्खी पालकों को 2,050 मधुमक्खी बक्से, शहद की बस्तियाँ और टूलकिट वितरित किए। ‘मीठी क्रांति’ को बढ़ावा देने का प्रयास खादी के साथ-साथ ‘मीठी क्रांति’ को बढ़ावा देने के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के दृष्टिकोण के तहत मधुमक्खी पालन को प्रोत्साहित किया जा रहा है। 2017 में शुरू किए गए ‘हनी मिशन’ के तहत अब तक 20,000 से अधिक लाभार्थियों को दो लाख से ज्यादा मधुमक्खी बक्से और बस्तियाँ प्रदान की जा चुकी हैं। मधुमक्खी पालन क्यों है जरूरी? मधुमक्खी पालन न केवल किसानों की आय बढ़ाने का एक जरिया है बल्कि इससे देश शहद उत्पादन में आत्मनिर्भर भी बन सकता है। एमएसएमई मंत्रालय के अनुसार, मधुमक्खी के मोम की मांग दवा, खाद्य, कपड़ा और कॉस्मेटिक उद्योगों में बहुत अधिक है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी ‘मन की बात’ कार्यक्रम में मधुमक्खी पालन से होने वाले लाभों पर चर्चा की थी। खादी और ग्रामोद्योग क्षेत्र की बढ़ती उपलब्धियां केवीआईसी अध्यक्ष ने बताया कि पिछले 10 वर्षों में खादी और ग्रामोद्योग क्षेत्र में पांच गुना वृद्धि दर्ज की गई है। खादी और ग्रामोद्योग उत्पादों की कुल बिक्री 31,000 करोड़ रुपये से बढ़कर 1,55,000 करोड़ रुपये तक पहुंच गई है। खादी परिधानों की बिक्री में भी जबरदस्त उछाल आया है, जो 1,081 करोड़ रुपये से बढ़कर 6,496 करोड़ रुपये हो गई है। रोजगार सृजन में खादी का योगदान खादी और ग्रामोद्योग क्षेत्र ने बीते वित्तीय वर्ष में 10.17 लाख नए रोजगार उत्पन्न किए हैं। पिछले एक दशक में खादी कारीगरों की आय में 213 प्रतिशत की बढ़ोतरी हुई है। खास बात यह है कि इस क्षेत्र में 80 प्रतिशत से अधिक रोजगार महिलाओं के लिए सृजित हुए हैं। इस ऐतिहासिक उपलब्धि के मद्देनजर, विशेषज्ञों का मानना है कि खादी और ग्रामोद्योग क्षेत्र को निरंतर बढ़ावा देने से देश की अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलेगी और लाखों लोगों के लिए रोजगार के नए अवसर सृजित होंगे।

slot server thailand super gacor

spaceman slot gacor

slot gacor 777

slot gacor

Nexus Slot Engine

bonus new member

olympus

situs slot bet 200

slot gacor

slot qris

link alternatif ceriabet

slot kamboja

slot 10 ribu

https://mediatamanews.com/

slot88 resmi

slot777

https://sandcastlefunco.com/

slot bet 100

situs judi bola

slot depo 10k

slot88

slot 777

spaceman slot pragmatic

slot bonus

slot gacor deposit pulsa

rtp slot pragmatic tertinggi hari ini

slot mahjong gacor

slot deposit 5000 tanpa potongan

mahjong

spaceman slot

https://www.deschutesjunctionpizzagrill.com/

spbo terlengkap

cmd368

368bet

roulette

ibcbet

clickbet88

clickbet88

clickbet88

bonus new member 100

slot777

https://bit.ly/m/clickbet88

https://vir.jp/clickbet88_login

https://heylink.me/daftar_clickbet88

https://lynk.id/clickbet88_slot

clickbet88

clickbet88

https://www.burgermoods.com/online-ordering/

https://www.wastenotrecycledart.com/cubes/

https://dryogipatelpi.com/contact-us/

spaceman slot gacor

ceriabet link alternatif

ceriabet rtp

ceriabet

ceriabet link alternatif

ceriabet link alternatif

ceriabet login

ceriabet login

cmd368

sicbo online live

Ceriabet Login

Ceriabet

Ceriabet

Ceriabet

Ceriabet

casino online

clickbet88

login kudahoki88

Ceriabet

Ceriabet

Ceriabet