LATEST NEWS

उडुपी में एएनएफ के जवानों ने नक्सल कमांडर विक्रम गौड़ा को मार गिराने में सफलता हासिल की

उडुपी नक्सली कमांडर विक्रम गौड़ा कर्नाटक के उडुपी जिले स्थित हेब्री कबीनाले में एक नक्सल विरोधी अभियान के दौरान मुठभेड़ में मारा गया। एंटी नक्सल फोर्स (एएनएफ) के जवानों ने नक्सल कमांडर विक्रम गौड़ा को मार गिराने में सफलता हासिल की है। यह मुठभेड़ क्षेत्र में नक्सली गतिविधि के बारे में पुख्ता खुफिया जानकारी के आधार पर एएनएफ द्वारा चलाए गए तलाशी अभियान के दौरान हुई। सूत्रों के अनुसार अभियान के दौरान एएनएफ टीम ने पांच नक्सलियों के एक समूह को देखा गया। एएनएफ के जवानों को देख नक्सलियों ने गोलीबारी शुरू कर दी, जिसके बाद एएनएफ ने जवाबी कार्रवाई की, जिसमें विक्रम गौड़ा मारा गया। बताया जा रहा है कि बाकी नक्सली घने जंगल में भाग गए। नक्सली गतिविधियों के बारे में विश्वसनीय और गुप्त सूचना मिलने के बाद एएनएफ ने इलाके में तलाशी अभियान तेज कर दिया था। गौड़ा हाल के दिनों में श्रृंगेरी, नरसिंहराजपुरा, करकला और उडुपी क्षेत्रों में सक्रिय रूप से काम कर रहा था। इन क्षेत्रों में नक्सली गतिविधियां बढ़ गई हैं, जिसके कारण नक्सल विरोधी बलों द्वारा सघन तलाशी अभियान चलाया जा रहा है। कब्बीनाले निवासी विक्रम गौड़ा नक्सली आंदोलन की नेत्रावती इकाई का कमांडर था। जांच एजेंसियों के मुताबिक वो कई नक्सली अभियानों में शामिल था। उडुपी जिले में आखिरी नक्सली मुठभेड़ 13 साल पहले करकला तालुक के ईडू गांव में हुई थी। इस घटना को क्षेत्र में नक्सली गतिविधियों पर अंकुश लगाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम के रूप में देखा जा रहा है।  

मुख्यमंत्री ने किया एसोसिएशन ऑफ यूनिवर्सिटीज ऑफ एशिया एंड द पैसिफिक के 17वें सम्मेलन का शुभारंभ

भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि भारत का अतीत गौरवशाली रहा है और भारत प्राचीनकाल से ही वैश्विक स्तर पर उच्च शिक्षा का मुख्य केन्द्र रहा। कई देशों के विद्यार्थियों, राजकुमारों ने तक्षशिला, नालंदा जैसे भारत के विश्वविद्यालयों में शिक्षा ग्रहण की। लेकिन ऐतिहासकि रूप से हमें ऐसा कोई उल्लेख प्राप्त नहीं होता, जिसमें भारत में शिक्षा ग्रहण किए किसी व्यक्ति अथवा सत्ताधीश ने अन्य राज्य पर आक्रमण किया हो। यह तथ्य प्राचीन काल से चली आ रही हमारी शिक्षा व्यवस्था के सुदृढ़ जीवन मूल्यों और नैतिक मूल्यों को दर्शाता है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव मंगलवार को होटल ताज में एसोसिएशन ऑफ यूनिवर्सिटीज ऑफ एशिया एंड द पैसिफिक के 17वें सम्मेलन को संबोधित कर रहे थे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने दीप प्रज्ज्वलित कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया। अतीत से वर्तमान की कई घटनाएं जीवन मूल्यों के प्रति दृष्टिकोण की भिन्नता के कारण हुई मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि “उच्च शिक्षा का बदलता स्वरूप और हमारे जीवन मूल्य” विषय पर आयोजित यह सम्मेलन सम-सामयिक महत्व का है। अतीत से लेकर वर्तमान तक की कई घटनाएं जीवन मूल्यों के प्रति दृष्टिकोण की भिन्नता के परिणाम स्वरूप ही घटित हुईं। रामायण काल में रावण हो या महाभारत काल में कौरव, योग्यता और क्षमता में कोई भी कम नहीं था, लेकिन उनके जीवन मूल्य और नैतिक मूल्य उचित नहीं थे, इसी कारण उन्हें कभी सम्मान नहीं मिला और वे समाज में तथा इतिहास में सदैव नकारे गए। कर्ण की योग्यता अद्भुत थी, लेकिन उनकी दृष्टि, प्रतिशोध, जिद और नकारात्मक भाव ने उन्हें पतन की ओर अग्रसर किया। इसी प्रकार के उदाहरण हमें सोने की लंका बनाने वाले रावण के भी प्राप्त होते हैं। सभी प्रकार के वैभव और सामर्थ्य होने के बाद भी वे कभी स्वीकारे नहीं गए और नैतिक मूल्यों के आधार पर ही वनवासी श्रीराम ने उन्हें परास्त किया। अर्थात् यह नैतिक मूल्यों और जीवन मूल्यों की ही विजय थी। नई शिक्षा नीति के माध्यम से लागू किए जा रहे हैं कई नवाचार मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने रूस-यूक्रेन युद्ध और इजराइल के संघर्ष का उल्लेख करते हुए कहा कि हमारे आदर्शों और जीवन मूल्यों का ही परिणाम है कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी इन संघर्षों में भी शांति के लिए प्रयास करते दिखाई देते हैं। यह भारतीय जीवन मूल्यों के सामर्थ्य को दर्शाता है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि वर्ष 2020 से लागू नई शिक्षा नीति के माध्यम से पढ़ने और सीखने की प्रक्रिया को अधिक लचीला, सरल और रूचिपूर्ण बनाते हुए विद्यिार्थियों को विभिन्न संकायों के विषयों के अध्ययन की सुविधा प्रदान की गई है। अध्ययन प्रक्रिया को आयु के बंधन से मुक्त करते हुए क्रेडिट प्रदान करने जैसे नवाचार भी प्रदेश में किए गए हैं। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने एसोसिएशन ऑफ यूनिवर्सिटीज ऑफ एशिया एंड द पैसिफिक को मध्यप्रदेश में अपनी गतिविधियों के विस्तार के लिए आमंत्रित किया। वैश्विक स्तर की शिक्षा देश में ही उपलब्ध कराने के लिए प्रतिबद्ध जागरण लेक सिटी यूनिवर्सिटी के चांसलर श्री हरिमोहन गुप्ता ने बताया कि 35 देशों में फैले एसोसिएशन ऑफ यूनिवर्सिटीज ऑफ एशिया एंड द पैसिफिक का सम्मेलन भारत में पहली बार हो रहा है। एसोसिएशन मध्यप्रदेश में उच्च शिक्षा और कौशल विकास पर केन्द्रित वैश्विक संस्थाओं की स्थापना कर विद्यार्थियों को वैश्विक स्तर की शिक्षा देश में ही उपलब्ध कराने के लिए प्रतिबद्ध है। इस अवसर पर प्रमुख सचिव उच्च शिक्षा श्री अनुपम राजन, शिक्षाविद श्री अनूप स्वरूप और विभिन्न विश्वविद्यालयों के प्रतिनिधि तथा विषय-विशेषज्ञ उपस्थित थे।  

द साबरमती रिपोर्ट जैसी फिल्म, इतिहास के उस भयावह “सच” को सामने लाने का प्रयास : सीएम साय

रायपुर गोधराकांड पर बनी बहुचर्चित फ़िल्म ‘द साबरमती रिपोर्ट’ को छत्तीसगढ़ में टैक्स-फ्री किया जा रहा है. आज इसकी घोषणा मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने की. मुख्यमंत्री साय ने कहा कि “द साबरमती रिपोर्ट” जैसी फिल्म, इतिहास के उस भयावह “सच” को सामने लाने के सराहनीय प्रयास के रूप में देखा जाना चाहिए, जिस “सच” को देश की जनता से हमेशा छुपाने का कुत्सित प्रयास किया गया. उन्होंने कहा कि इतिहास सबक देता है और उत्तम भविष्य निर्माण का प्रवर्तक बनता है. ऐसी फिल्में समाज के लिए सुलभ होनी चाहिए. इसलिए सरकार ने यह निर्णय लिया है कि राज्य में इसे कर मुक्त किया जाए. छत्तीसगढ़ के अलावा इस फिल्म को मध्यप्रदेश में भी टैक्स-फ्री कर दिया गया है. बता दें कि ‘द साबरमती रिपोर्ट’की कहानी 27 फरवरी, 2002 को गोधरा रेलवे स्टेशन पर हुए ट्रेन अग्निकांड पर आधारित है. फिल्म में विक्रांत मैसी एक पत्रकार के रोल में नजर आ रहे हैं. फिल्म में दिखाने की कोशिश की गई है कि आखिर 2002 में उस दिन गोधरा रेलवे स्टेशन पर क्या था, जब साबरमती एक्सप्रेस आग में झुलस रही थी. दरअसल, उस दिन की कहानी आज भी ज्यादातर लोगों के लिए एक पहेली की तरह हैं, क्योंकि इस पर कभी खुलकर बहुत सारी चीजें सामने आईं ही नहीं. गोधरा ट्रेन अग्निकांड भारत के इतिहास के पन्नों पर दर्ज हो चुका है, जिसके बारे में सोचते ही दिल दहल उठता है. 15 नवंबर को रिलीज हुई फिल्म ‘द साबरमती रिपोर्ट’ (The Sabarmati Report) का निर्देशन धीरज सरना ने किया है. इसका प्रोडक्शन शोभा कपूर, एकता आर कपूर, अमूल वी मोहन, अंशुल मोहन ने मिलकर किया है. विक्रांत मैसी (Vikrant Massey) और राशि खन्ना (Rashi Khanna) को फिल्म में लीड रोल में है. इनके अलावा इसमें मशहूर टीवी एक्ट्रेस रिद्धी डोगरा (Ridhi Dogra) भी अहम भूमिका निभाती दिख रही हैं.

विदेश मंत्रालय ने इसकी जानकारी साझा की, पीएम मोदी ने छह नेताओं से की द्विपक्षीय मुलाकात

रियो डि जनेरियो/नई दिल्ली प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने यहां जी-20 शिखर सम्मेलन के इतर इंडोनेशिया, पुर्तगाल, नाॅर्वे, इटली, फ्रांस और ब्रिटेन के नेताओं के साथ द्विपक्षीय मुलाकात की और भारत के साथ इन देशों के द्विपक्षीय सहयोग बढ़ाने के उपायों पर चर्चा की। विदेश मंत्रालय ने इसकी जानकारी साझा की। श्री मोदी ने इंडोनेशिया के राष्ट्रपति प्रबोवो सुबियांतो से मुलाकात में उन्हें भारत के पूर्ण समर्थन का आश्वासन दिया। दोनों नेताओं ने मौजूदा क्षेत्रों में भारत इंडोनेशिया व्यापक रणनीतिक साझीदारी को और मजबूत करने के साथ-साथ इसे नए क्षेत्रों में विस्तारित करने के लिए मिलकर काम करने के तरीकों पर चर्चा की। श्री मोदी ने इसके बाद पुर्तगाल के प्रधानमंत्री लुइस मोंटेनेग्रो से मुलाकात की। दोनों पक्षों ने अर्थव्यवस्था, नवीकरणीय ऊर्जा, रक्षा और लोगों से लोगों के संबंधों और बहुपक्षीय मंचों पर सहयोग सहित द्विपक्षीय संबंधों को और मजबूत करने पर विचार-विमर्श किया। श्री मोदी की नॉर्वे के पीएम जोनास गहर स्टोर से मुलाकात में दोनों पक्षों ने भारत-नॉर्वे द्विपक्षीय संबंधों को गहरा करने के तरीकों पर चर्चा की जो विशेष रूप से भारत-ईएफटीए-टीईपीए पर हस्ताक्षर के बाद व्यापार और आर्थिक सहयोग पर केंद्रित थी। दोनों नेताओं ने भू-राजनीतिक मुद्दों पर भी विचारों का आदान-प्रदान किया। प्रधानमंत्री श्री मोदी ने रियो में जी-20 ब्राजील शिखर सम्मेलन में भाग ले रहीं इटली की प्रधानमंत्री जियोर्जिया मेलोनी से भी मुलाकात की। दोनों नेताओं ने लंबे समय से चले आ रहे भारत इटली द्विपक्षीय संबंधों को और आगे बढ़ाने और गति देने के लिए भारत-इटली संयुक्त रणनीतिक कार्य योजना 2025-29 का स्वागत किया। श्री मोदी ने ब्रिटेन के प्रधानमंत्री कीर स्टार्मर से मुलाकात की। नेताओं ने दोनों देशों के बीच व्यापक रणनीतिक साझीदारी के विभिन्न पहलुओं पर चर्चा की। उन्होंने एक संतुलित और पारस्परिक रूप से लाभप्रद मुक्त व्यापार समझौते (एफटीए) की आवश्यकता को भी स्वीकार किया। श्री मोदी ने फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रॉन से भी मुलाकात की। नेताओं ने व्यापार और निवेश, प्रौद्योगिकी, एआई, डीपीआई के क्षेत्रों में भारत एवं फ्रांस के संबंधों को और मजबूत करने के तरीकों पर चर्चा की। उन्होंने हिन्द प्रशांत समेत क्षेत्रीय और अंतरराष्ट्रीय मुद्दों पर भी विचारों का आदान-प्रदान किया।  

राज्यपाल ने विभिन्न राज्यों के स्टॉल्स का अवलोकन और कारीगरों से किया संवाद

भोपाल राज्यपाल मंगुभाई पटेल ने कहा है कि ग्रामीण विकास उत्सव, देश भर के कारीगरों और प्रसिद्ध उत्पादों के प्रोत्साहन का प्रभावी मंच है। ऐसे आयोजन ग्रामीण अर्थव्यवस्था के साथ महिला सशक्तिकरण की दिशा में बड़ी भूमिका निभा रहे हैं। राज्यपाल पटेल नाबार्ड द्वारा भोपाल हॉट बाजार में आयोजित ग्रामीण विकास उत्सव के शुभारंभ कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने 19 से 27 नवम्बर तक आयोजित हो रहे ग्रामीण विकास उत्सव का फीता काटकर शुभारंभ किया। राज्यपाल पटेल ने विगत 6 वर्षों से देशभर के कारीगरों के प्रोत्साहन के लिए उत्सव का आयोजन करने पर नाबार्ड को बधाई दी। उन्होंने कहा कि नाबार्ड ऐसे आयोजनों का व्यापक और सघन स्तर पर प्रचार-प्रसार करें। राज्यपाल पटेल ने स्थानीय मीडिया से भी अपील की कि देश के कारीगरों के उत्पादों के प्रचार-प्रसार में भरपूर सहयोग करें। राज्यपाल पटेल ने कहा कि नाबार्ड, सूक्ष्म उद्यमिता विकास कार्यक्रम, आजीविका एवं उद्यमिता विकास कार्यक्रम और गैर कृषि उत्पादक संगठन बनवाने जैसे विकास के महत्वपूर्ण प्रयास कर रहा है। कृषि, कुटीर, ग्रामीण एवं लघु उद्योगों हस्तशिल्प के विकास परक कार्यों के द्वारा ग्रामीण अर्थव्यवस्था की मजबूती और समृद्धि में प्रभावी योगदान दे रहा है। नाबार्ड द्वारा स्व-सहायता समूह की महिलाओं, हस्तशिल्पियों और कृषक उत्पादक संघों के सदस्यों के लिए कौशल विकास की कई योजनाएं भी चलाई जा रही है। राज्यपाल पटेल ने कहा कि हमारे देश की आत्मा गांवों में बसती है। जब आत्मा मजबूत होगी तभी पूरा शरीर यानि हमारा देश मजबूत, सक्षम और आत्म-निर्भर होगा। उन्होंने नाबार्ड के ग्रामीण युवाओं के कौशल उन्नयन के द्वारा सम्मानजनक आजीविका पाने के प्रयास और ग्रामीण अर्थव्यवस्था की मजबूती की दिशा में सार्थक कदम बताया। राज्यपाल पटेल ने योजनाओं में प्रशिक्षित ग्रामीण किसानों, महिलाओं के समूहों और कृषक उत्पादक संघो के उत्पादों की बिक्री के लिए रूरल मार्ट, रूरल हाट और रूरल मार्ट ऑन व्हील्स जैसी पहल के लिए नाबार्ड की सराहना भी की। उन्होंने कहा कि डिजिटलाइजेशन के दौर में ग्रामीण आवश्यकताओं को पूरा करने के लिए स्व-सहायता समूहों की भूमिका को विस्तारित किया जाना चाहिए। राज्यपाल पटेल ने ग्रामीण विकास उत्सव के शुभारम्भ अवसर पर देश के प्रसिद्ध उत्पादों का अवलोकन किया। उन्होंने अलग-अलग राज्यों के कारीगरों से संवाद करते हुए उनके उत्पादों के संबंध में जानकारी ली। राज्यपाल पटेल ने कारीगरों का उत्साह वर्धन कर शुभकामनाएं और बधाई भी दी। राज्यपाल पटेल का नाबार्ड के महाप्रबंधक कमर जावेद ने पुष्प-गुच्छ से स्वागत कर स्मृति-चिन्ह भेंट किया। स्वागत उद्बोधन नाबार्ड के मुख्य महाप्रबंधक सुनील कुमार ने दिया। कार्यक्रम को आर.बी.आई. की क्षेत्रीय निदेशक सुरेखा चंदना बेदी, एसबीआई के मुख्य महाप्रबंधक सीएस शर्मा और एसएलबीसी के संयोजक नरसीम सिंह जीरा ने भी संबोधित किया। कार्यक्रम में मध्यप्रदेश ग्रामीण बैंक के अध्यक्ष आर.सी. बेहरा और मध्यान्चल ग्रामीण बैंक के अध्यक्ष प्रवीण अवस्थी उपस्थित थे।      

भोपाल में प्रदेश का पहला पुलिस अस्पताल बनकर तैयार, जानिए क्या-क्या सुविधाएं मिलेंगी

भोपाल मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल में प्रदेश का पहला राज्य स्तरीय पुलिस अस्पताल बनकर तैयार हो गया है। इससे एमपी पुलिस और उनके परिजन को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाओं का लाभ आसानी से मिल सकेगा। 50 बेड का ये अस्पताल(Police Hospital) लगभग 12 करोड़ की लागत से बनकर तैयार हुआ है। जल्द ही सीएम मोहन इसका उद्घाटन कर सकते है। भोपाल के भदभदा चौराहे पर बने पुलिस अस्पताल(Police Hospital) में पीडियाट्रिक, गायनिक, डेंटल, आई जैसे कई विभाग होंगे। फिलहाल ओपीडी के साथ इस हॉस्पिटल की शुरुआत की जाएगी। जानकारी के मुताबिक, अस्पताल बनने से पहले तक यहां पर पुलिस बटालियन में पुलिस डिस्पेंसरी हुआ करती थी। ऐसी सुविधाएं मिलेंगी बता दें कि, फर्स्ट फ्लोर पर 50 बेड के इस अस्पताल में दो मेल और एक फीमेल वार्ड बनाया गया है। इसके साथ ही बच्चों के इलाज के लिए भी एक वार्ड बनाया गया है, जिसमे 5 बेड की व्यवस्था की गई है। इसके आलावा महिला वार्ड, ओटी, हाई डिपेंडेंसी यूनिट और रिकवरी रूम की भी व्यवस्था की गयी है। इस अस्पताल का हेल्पलाइन नंबर भी जारी किया गया है, जो 8068700128 है। मरीजों के लिए 2 मेल और एक फीमेल वार्ड 50 बेड के इस अस्पताल में 2 मेल (5-5 बेड) व 1 फीमेल वॉर्ड (5 बेड) का बनाया है। इसके अलावा बच्चा वार्ड में भी पांच बेड रखे गए हैं। वहीं, अन्य बेड महिला वार्ड, ओटी, हाई डिपेंडेंसी यूनिट और रिकवरी रूम में लगाए गए हैं। अस्पताल अधिकारियों की माने तो पुलिस और उनके परिवार के अलावा आम लोग यहां इलाज करवा सकेंगे या नहीं, यह जल्द ही फाइनल होगा। अस्पताल का संचालन 25वीं बटालियन करेगी। 2022 से पहले यहां एसटीएफ का कार्यालय हुआ करता था, जिसके बाद इसे अस्पताल बताया गया। इसका निर्माण पुलिस हाउसिंग द्वारा किया गया है। कई चरणों में होगी शुरुआत जानकारी के अनुसार, पुलिस अस्पताल(Police Hospital) में पहले चरण में ओपीडी, फार्मा, पैथालॉजी और एक्स-रे जैसी सुविधाएं मुहैया कराइ जाएगी। वहीँ दूसरे चरण में सोनोग्राफी और लेवर क्लिनिक जैसी कई अन्य सुविधाओं की शुरुआत होगी। बता दें कि, स्वास्थ्य विभाग की मदद से डॉक्टर और स्टाफ को लाया गया है। डॉ. रूही चंद्रा को अस्पताल का अधीक्षक नियुक्त किया गया है। पहले चरण की शुरुआत ओपीडी के साथ स्वास्थ्य विभाग के साथ मिलकर यहां पर डॉक्टर्स एवं अन्य स्टाफ को लाया गया है। पहले चरण की बात की जाए तो ओपीडी, फार्मा, पैथालॉजी और एक्स-रे जैसी सुविधाएं दी जाएगी। इसके बाद दूसरे चरण में सोनोग्राफी ओर लेबर क्लिनिक के अलावा अन्य सुविधाएं शुरू की जाएगी। अस्पताल के लिए कुल 12 पद सेंशन हुए हैं, जिसमें से दो डॉक्टर मेडिकल ऑफिसर एसके गुप्ता और डेंटल सर्जन डॉक्टर सुरैश माहौर शामिल हैं। अस्पताल की अधीक्षक डॉ. रूही चंद्रा रहेंगी। 12.51 करोड़ की लागत से तैयार हुआ अस्पताल यह अस्पताल कुल 12.51 करोड़ की लागत से तैयार हुआ है। इसमें भवन निर्माण और फर्नीचर की लागत 10.41 करोड़ रही, वहीं मेडिकल उपकरण 2.1 करोड़ के खरीदे गए हैं। इस तरह से अस्पताल की कुल लागत 12.51 करोड़ है। यह भी देखें     अस्पताल में भर्ती के लिए दो मेल वॉर्ड में कुल 10 बेड लगाए गए हैं।     महिला और बच्चा वार्ड में कुल 10 बेड हैं।     हाई डिपेंडेंसी यूनिट और रिकवरी रूम में 5-5 बेड लगाए गए हैं।     ग्राउंड फ्लोर पर ओपीडी और ओटी और लेबर वार्ड बनाया गया है।     फर्स्ट फ्लोर पर मेल फीमेल और बच्चा वार्ड बनाया गया है।     अस्पताल का हेल्पलाइन नंबर 8068700128 है।

उच्च शिक्षा का बदलता स्वरूप और हमारे जीवन मूल्य विषय पर चर्चा और विचार-विमर्श सम-सामयिक दृष्टि से महत्वपूर्ण:मुख्यमंत्री

भगवान श्रीराम और पांडवों की जीत का आधार उनके जीवन मूल्य ही थे : मुख्यमंत्री डॉ. यादव भारतीय जीवन मूल्यों के सामर्थ्य ने ही प्रधानमंत्री मोदी को वर्तमान वैश्विक संघर्षों में शांतिदूत के रूप में स्थापित किया: मुख्यमंत्री उच्च शिक्षा का बदलता स्वरूप और हमारे जीवन मूल्य विषय पर चर्चा और विचार-विमर्श सम-सामयिक दृष्टि से महत्वपूर्ण:मुख्यमंत्री मुख्यमंत्री ने किया एसोसिएशन ऑफ यूनिवर्सिटीज ऑफ एशिया एंड द पैसिफिक के 17वें सम्मेलन का शुभारंभ भगवान श्रीराम और पांडवों की जीत का आधार उनके जीवन मूल्य ही थे : मुख्यमंत्री डॉ. यादव भारतीय जीवन मूल्यों के सामर्थ्य ने ही प्रधानमंत्री मोदी को वर्तमान वैश्विक संघर्षों में शांतिदूत के रूप में स्थापित किया: मुख्यमंत्री उच्च शिक्षा का बदलता स्वरूप और हमारे जीवन मूल्य विषय पर चर्चा और विचार-विमर्श सम-सामयिक दृष्टि से महत्वपूर्ण:मुख्यमंत्री मुख्यमंत्री ने किया एसोसिएशन ऑफ यूनिवर्सिटीज ऑफ एशिया एंड द पैसिफिक के 17वें सम्मेलन का शुभारंभ भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि भारत का अतीत गौरवशाली रहा है और भारत प्राचीनकाल से ही वैश्विक स्तर पर उच्च शिक्षा का मुख्य केन्द्र रहा। कई देशों के विद्यार्थियों, राजकुमारों ने तक्षशिला, नालंदा जैसे भारत के विश्वविद्यालयों में शिक्षा ग्रहण की। लेकिन ऐतिहासकि रूप से हमें ऐसा कोई उल्लेख प्राप्त नहीं होता, जिसमें भारत में शिक्षा ग्रहण किए किसी व्यक्ति अथवा सत्ताधीश ने अन्य राज्य पर आक्रमण किया हो। यह तथ्य प्राचीन काल से चली आ रही हमारी शिक्षा व्यवस्था के सुदृढ़ जीवन मूल्यों और नैतिक मूल्यों को दर्शाता है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव मंगलवार को होटल ताज में एसोसिएशन ऑफ यूनिवर्सिटीज ऑफ एशिया एंड द पैसिफिक के 17वें सम्मेलन को संबोधित कर रहे थे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने दीप प्रज्ज्वलित कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया। अतीत से वर्तमान की कई घटनाएं जीवन मूल्यों के प्रति दृष्टिकोण की भिन्नता के कारण हुई मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि “उच्च शिक्षा का बदलता स्वरूप और हमारे जीवन मूल्य” विषय पर आयोजित यह सम्मेलन सम-सामयिक महत्व का है। अतीत से लेकर वर्तमान तक की कई घटनाएं जीवन मूल्यों के प्रति दृष्टिकोण की भिन्नता के परिणाम स्वरूप ही घटित हुईं। रामायण काल में रावण हो या महाभारत काल में कौरव, योग्यता और क्षमता में कोई भी कम नहीं था, लेकिन उनके जीवन मूल्य और नैतिक मूल्य उचित नहीं थे, इसी कारण उन्हें कभी सम्मान नहीं मिला और वे समाज में तथा इतिहास में सदैव नकारे गए। कर्ण की योग्यता अद्भुत थी, लेकिन उनकी दृष्टि, प्रतिशोध, जिद और नकारात्मक भाव ने उन्हें पतन की ओर अग्रसर किया। इसी प्रकार के उदाहरण हमें सोने की लंका बनाने वाले रावण के भी प्राप्त होते हैं। सभी प्रकार के वैभव और सामर्थ्य होने के बाद भी वे कभी स्वीकारे नहीं गए और नैतिक मूल्यों के आधार पर ही वनवासी श्रीराम ने उन्हें परास्त किया। अर्थात् यह नैतिक मूल्यों और जीवन मूल्यों की ही विजय थी। नई शिक्षा नीति के माध्यम से लागू किए जा रहे हैं कई नवाचार मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने रूस-यूक्रेन युद्ध और इजराइल के संघर्ष का उल्लेख करते हुए कहा कि हमारे आदर्शों और जीवन मूल्यों का ही परिणाम है कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी इन संघर्षों में भी शांति के लिए प्रयास करते दिखाई देते हैं। यह भारतीय जीवन मूल्यों के सामर्थ्य को दर्शाता है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि वर्ष 2020 से लागू नई शिक्षा नीति के माध्यम से पढ़ने और सीखने की प्रक्रिया को अधिक लचीला, सरल और रूचिपूर्ण बनाते हुए विद्यिार्थियों को विभिन्न संकायों के विषयों के अध्ययन की सुविधा प्रदान की गई है। अध्ययन प्रक्रिया को आयु के बंधन से मुक्त करते हुए क्रेडिट प्रदान करने जैसे नवाचार भी प्रदेश में किए गए हैं। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने एसोसिएशन ऑफ यूनिवर्सिटीज ऑफ एशिया एंड द पैसिफिक को मध्यप्रदेश में अपनी गतिविधियों के विस्तार के लिए आमंत्रित किया। वैश्विक स्तर की शिक्षा देश में ही उपलब्ध कराने के लिए प्रतिबद्ध जागरण लेक सिटी यूनिवर्सिटी के चांसलर हरिमोहन गुप्ता ने बताया कि 35 देशों में फैले एसोसिएशन ऑफ यूनिवर्सिटीज ऑफ एशिया एंड द पैसिफिक का सम्मेलन भारत में पहली बार हो रहा है। एसोसिएशन मध्यप्रदेश में उच्च शिक्षा और कौशल विकास पर केन्द्रित वैश्विक संस्थाओं की स्थापना कर विद्यार्थियों को वैश्विक स्तर की शिक्षा देश में ही उपलब्ध कराने के लिए प्रतिबद्ध है। इस अवसर पर प्रमुख सचिव उच्च शिक्षा अनुपम राजन, शिक्षाविद अनूप स्वरूप और विभिन्न विश्वविद्यालयों के प्रतिनिधि तथा विषय-विशेषज्ञ उपस्थित थे।  

पटेल नगर और रोहित नगर के रहवासियों की समास्याओं के निराकरण को लेकर मंत्री श्रीमती गौर ने अधिकारियों के साथ की बैठक

बिल्डर के बंधक भू-खण्ड की नीलामी से होगा पटेल नगर कॉलोनी का विकास: मंत्री श्रीमती गौर रोहित नगर के रहवासियों को मिलेगा नर्मदा जल, सीवेज, सड़क, बिजली और पार्क आदि की व्यवस्था: मंत्री श्रीमती गौर पटेल नगर और रोहित नगर के रहवासियों की समास्याओं के निराकरण को लेकर मंत्री श्रीमती गौर ने अधिकारियों के साथ की बैठक राज्य मंत्री श्रीमती गौर ने दिये अधिकारियों को निर्देश भोपाल रायसेन रोड पटेल नगर में बिल्डर के बंधक भू-खण्ड को नगर निगम नीलाम करेगा। नीलामी से प्राप्त राशि से पटेल नगर कॉलोनी में पेयजल, सीवेज, सड़क, बिजली और पार्क आदि की व्यवस्था की जायेगी। पिछड़ा वर्ग एवं अल्पसंख्यक कल्याण राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) श्रीमती कृष्णा गौर के पटेल नगर के रहवासियों की मांग पर दिये निर्देशों के अनुक्रम में आयुक्त नगर निगम हरेन्द्र नारायण ने उक्त बात कही। राज्यमंत्री श्रीमती गौर ने मंगलवार को निवास कार्यालय पर पटेल नगर और रोहित नगर के रहवासियों की समास्याओं के निराकरण को लेकर अधिकारियों के साथ बैठक की। राज्यमंत्री श्रीमती गौर ने कहा कि पटेल नगर के रहवासियों को बिल्डर द्वारा मुलभूत सुविधाओं से वंचित रखा जा रहा है। बार बार अवश्वासन देने के बाद भी बिल्डर कॉलोनी का अपेक्षित विकास नहीं कर रहा है। पटेल नगर की यह समस्या दशकों पुरानी है। उन्होंने कहा कि बिल्डर द्वारा विकास नहीं करने पर बिल्डर के बंधक भू-खण्ड को नगर निगम नीलामी से प्राप्त राशि विकास कार्य करने के प्रावधान है। इस प्रावधान के तहत आयुक्त नगर निगम ने कहा कि बिल्डर के बंधक भू-खण्ड की नीलामी से कॉलोनी के विकास के लिये अनुमानित आवश्यक राशि 20 से 25 करोड़ रूपये प्राप्त किये जायेंगे। इससे कॉलोनी के विकास कार्यों को नगर निगम द्वारा किया जायेगा। इस निर्णय से पटेल नगर के 750 आवासों के 5 हजार से अधिक रहवासी लाभान्वित होंगे। रोहित नगर में रहवासियों को पेजजल के लिये नर्मदा जल की सप्लाई दिये जाने के ‍लिये कार्य योजना बनाई जायेगी। कॉलोनी में सिंगल कनेक्शन देने के लिये प्राक्लन तैयार किया जायेगा। यह निर्देश नगर निगम आयुक्त द्वारा दिये गये है। बैठक में एसडीएम एल.के. खरे सहित अन्य संबंधित अधिकारी उपस्थित थे।  

ग्वालियर पहुंची दिल्ली की खतरनाक हवा, AQI लेवल 382 पार

ग्वालियर  दिल्ली से होते हुए कश्मीर के साथ आई सर्द हवा अपने साथ दिल्ली का प्रदूषण भी ले आई है, इससे ग्वालियर में एयर क्वालिटी इंडेक्स (एक्यूआई) 382 पर पहुंच गया है, जबकि ग्वालियर में प्रदूषण पहले से ही 200 पर था, बीते 12 घंटे के अंदर ही ग्वालियर में प्रदूषण का स्तर 200 से बढकऱ सीधा 382 तक पहुंच गया है, जो कि शहरवासियों के लिए किसी भी लिहाज से सही नहीं है।  यदि बात मध्यप्रदेश की कि जाए तो प्रदूषण कंट्रोल बोर्ड के समीर एप पर ग्वालियर 382 एक्यूआई के साथ प्रदेशभर में टॉप पर है, जबकि सिंगरोली 224 के साथ दूसरे और भोपाल 200 एक्यूआई के साथ तीसरे स्थान पर है। इसी तरह कटनी 186, उज्जैन 176, इंदौर व सागर 139, जबलपुर 127 एक्यूआई पर है। वहीं तेजी से बढ़ते प्रदूषण को देखते हुए प्रदूषण कंट्रोल बोर्ड के अधिकारियों ने भी शहरवासियों से अपील की है कि वह आसपास कचरा न जलाने दें, मास्क लगाकर रखें और जरूरत होने पर ही मास्क लगाकर घर से बाहर निकलें। क्या होता है एक्यूआई वातावरण में वायु प्रदूषण की मात्रा को मापने के लिए एक्यूआई यानी एयर क्वालिटी इंडेक्स का इस्तेमाल किया जाता है। एक्यूआई की वैल्यू जितनी अधिक होती है वायु प्रदूषण का स्तर उतना ही ज्यादा होता है। कई मशीन के माध्यम से हवा का सैंपल लिया जाता है और उसमे से ओजोन, पीएम 10 व 2.5, कार्बन मोनोऑक्साइड, सल्फरडाइ ऑक्साइड, नाइट्रोजन डाई ऑक्साइडल व अमोनिया की मात्रा को निकालकर एक फॉर्मूले में रखा जाता है। उससे जो वैल्यू आती है उसे एक्यूआई कहा जाता है। शहर की हवा एकदम से बदल गई है। ग्वालियर में एक्यूआई काफी बढ़ गया है जो कि चिंताजनक है। शहरवासी इस समय अपने स्वास्थ्य का विशेष ध्यान रखें और मास्क पहनकर ही निकले, आसपास कचरा न जलाने दें और अधिक जरूरत होने पर ही घर से बाहर निकलें। आरआर सेंगर, क्षेत्रीय अधिकारी प्रदूषण कंट्रोल बोर्ड कई बीमारियों का खतरा प्रदूषण का बढ़ना चिंता का विषय है। क्योंकि प्रदूषण अधिक होने से आमजन को हवा में सांस लेने से प्रदूषित हवा से श्वास संबंधी रोग, ब्रोंकाइटिस, गले का दर्द, निमोनिया, फेफड़ों का कैंसर, हदय रोग व मधुमेह सहित अन्य बीमारियों का खतरा बना रहता है। प्रदूषण बढ़ने के कारण दिल्ली में प्रदूषण काफी खराब होने से हवा अपने साथ दूषित हवा भी ले आई है। शहर की जर्जर सडक़ें। भवन सहित अन्य निर्माण कार्य। पराली व कचरे का लगातार जलाए जाना। सड़कों पर पानी का छिडक़ाव कम होना। लैंडफिल साइट व बरा में लगातार आग का लगना। बचाव के उपाय अधिक से अधिक पौधे लगाए जाए। सौर ऊर्जा, पवन ऊर्जा और जलविद्युत ऊर्जा का उपयोग किया जाए। सार्वजनिक परिवहन का उपयोग अधिक करें और वाहनों का उपयोग कम। धूम्रपान कम से कम किया जाए। उद्योगों से निकलने वाले धुएं को नियंत्रित किया जाए। शहर में निर्माण कार्य कम हो या ढंककर ही करें। शहरवासी मास्क पहनकर ही निकलें। एक्यूआई का पैमाना 0 से 50 होने पर गुड श्रेणी 51 से 100 पर संतोषजनक 101 से 200 तक मॉडरेट 201 से 300 में पुअर श्रेणी 301 से 400 पर सीवर श्रेणी 400 से 500 पर काफी खतरनाक  

मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है उज्जैन में प्रदेश की पहली मेडिसिटी बनने जा रही

भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि उज्जैन में प्रदेश की पहली मेडिसिटी बनने जा रही है। राज्य सरकार चिकित्सा सेवा और चिकित्सा शिक्षा के लिए गंभीर है। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व और मार्गदर्शन में चिकित्सा सेवा और आयुष के माध्यम से स्वास्थ्य और चिकित्सा को समग्रता में देखते हुए नई अवधारणा पर कार्य हो रहा है। इसके चलते उज्जैन में बनने वाली मेडिसिटी में न केवल मेडिकल कॉलेज रहेगा अपितु नर्सिंग, पैरामेडिकल, अनुसंधान सुविधा, चिकित्सक-विशेषज्ञ और स्टॉफ के आवास सहित संपूर्ण व्यवस्था होगी। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि वे स्वयं इस कैंपस का भूमि-पूजन करेंगे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने समत्व भवन में मीडिया से चर्चा में यह बात कही। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि पिछले 20 साल में मध्यप्रदेश सरकार ने चिकित्सा के क्षेत्र में क्रांतिकारी कदम उठाएं हैं। वर्ष 2004-05 में प्रदेश में मात्र 5 मेडिकल कॉलेज थे, वर्तमान में प्रदेश में 17 मेडिकल कॉलेज संचालित हैं और 8 निर्माणाधीन हैं। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि सिंहस्थ अवधि में लगभग 15 करोड़ की आबादी उज्जैन में होगी। सामान्य समय में भी लगभग 5 से 7 करोड़ यात्री प्रतिवर्ष उज्जैन पधार रहे हैं। अतः यहां मेडिसिटी का बनना उपयोगी और महत्वपूर्ण है। उज्जैन में आकार ले रही मेडिसिटी के लिए मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने प्रदेशवासियों को बधाई और शुभकामनाएं दीं।  

पहाड़ों में बर्फबारी से प्रदेश में बढ़ी सर्दी, भोपाल का तापमान सामान्य से 2.4 डिग्री कम

भोपाल मध्य प्रदेश में शीतलहर का दौर शुरू हो गया है। इसकी वजह सर्द हवाएं हैं। हिल स्टेशन पचमढ़ी सबसे ठंडा रहा। यहां तापमान 10 डिग्री सेल्सियस से नीचे दर्ज किया गया। राजधानी भोपाल का तापमान सामान्य से 2.4 डिग्री कम है। मौसम विभाग के मुताबिक, पहाड़ों पर बर्फबारी के कारण अगले कुछ दिनों में एमपी में ठंड और बढ़ने की उम्मीद है। मंगलवार सुबह ग्वालियर-चंबल संभाग के जिलों में कोहरा छाया रहा। आईएमडी के अनुसार, ग्वालियर, भिंड, मुरैना, दतिया में घना कोहरा छाया रहा, जबकि निवाड़ी-टीकमगढ़ में मध्यम कोहरा छाया रहा। इससे विजिबिलिटी भी कम रही। बर्फबारी हुई शुरू     दरअसल, जम्मू-कश्मीर, लद्दाख में बर्फबारी शुरू हो गई है। इसके साथ ही जेट स्ट्रीम हवाएं भी चल रही हैं। ऐसे में मध्य प्रदेश में भी उत्तरी हवाएं आएंगी, जो ठंड बढ़ाएंगी। आने वाले दिनों में पारा और गिर सकता है। अभी दिन के तापमान में औसतन 2 डिग्री की गिरावट आई है। वहीं, 15 से ज्यादा शहरों में रात का तापमान 15 डिग्री सेल्सियस से नीचे दर्ज किया जा रहा है। गौरतलब है कि प्रदेश में बढ़ती ठंड के चलते स्कूलों के समय में भी बदलाव किया गया है। भोपाल में कई स्कूलों का समय 30 मिनट तक बढ़ाया गया है। इंदौर, उज्जैन, जबलपुर और ग्वालियर में भी स्कूलों का समय बदला जाएगा। मौसम विभाग के अनुसार, आने वाले तीन-चार दिनों में कई शहरों में रात के टेम्प्रेचर में 2 डिग्री सेल्सियस तक की गिरावट हो सकती है। उत्तरी हिस्से यानी ग्वालियर-चंबल संभाग में ठंड का असर ज्यादा बढ़ा रहेगा। बता दें कि रविवार-सोमवार की रात पचमढ़ी सबसे ठंडा रहा। यहां पारा 8.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। दिसंबर में कड़ाके की Cold/कोहरा/ Coldwave एमपी मौसम विभाग की मानें तो दिसंबर-जनवरी में कड़ाके की ठंड और कोहरे के साथ कोल्ड वेव की स्थिति रहने का अनुमान है।दिसंबर की शुरुआत में पूरे प्रदेश में न्यूनतम तापमान में 11 से 12 डिग्री तक गिरने की संभावना है।दिसंबर में सागर संभाग के जिले निवाड़ी, टीकमगढ़, छतरपुर और पन्ना, रीवा संभाग के मउगंज सीधी और सिंगरौली, जबलपुर संभाग के मंडला और डिंडोरी, इंदौर संभाग के झाबुआ, इंदौर और धार के उत्तरी हिस्से और पूरे ग्वालियर-चंबल संभाग में जबरदस्त ठंड पड़ेगी।निवाड़ी, टीकमगढ़, छतरपुर, पन्ना, मऊगंज, सीधी, सिंगरौली, मंडला, डिंडोरी, झाबुआ, धार, उज्जैन, सीहोर, विदिशा, राजगढ़ और ग्वालियर चंबल में ठिठुरन बढ़ेगी। पिछले 24 घंटे का मौसम का हाल     प्रदेश के पचमढ़ी शहर में सोमवार को रात का तापमान 9 डिग्री से कम दर्ज किया गया, जो कि 8.2 डिग्री सेल्सियस रहा।     मंडला में 10.2 डिग्री, मजालखंड में 11.4 डिग्री और उमरिया में 11.6 डिग्री दर्ज हुआ।     सोमवार को ग्वालियर में दिन का अधिकतम तापमान 26.3 डिग्री दर्ज किया गया।     इंदौर में 28.5 डिग्री, जबलपुर में 29.6 डिग्री, भोपाल में 30 और उज्जैन में 30.2 डिग्री दर्ज हुआ।     सोमवार को भोपाल का अधिकतम तापमान 30 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया जो सामान्य से 1.9 डिग्री सेल्सियस अधिक रहा।     भोपाल में न्यूनतम तापमान 13.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो सामान्य से 1.2 डिग्री सेल्सियस कम रहा। प्रमुख शहरों का न्यूनतम तापमान     पचमढ़ी: 8.6°C     मंडला: 10.8°C     बालाघाट: 12°C     उमरिया: 12.6°C     सिवनी: 15°C     नौगांव: 12.5°C     जबलपुर: 14.5°C     भोपाल: 13.4°C प्रमुख शहरों का अधिकतम तापमान     भोपाल: 30.5°C     ग्वालियर: 32°C     इंदौर: 29.9°C     उज्जैन: 30.7°C

मोहन सरकार के प्लान से झूम उठेंगे बेरोजगार युवा, पांच साल में मिलेंगी ढाई लाख नौकरियां,कैडर वार भरे जाएंगे पद

भोपाल  मध्य प्रदेश की मोहन सरकार युवाओं को सौगात देने जा रही है। नौकरी के इंतजार में बैठे युवाओं के लिए सरकारी खुशखबरी है। अगले पांच सालों में सरकार ने सभी विभागों में रिक्त पड़े ढाई लाख पदों पर भर्ती का फैसला किया है। ये भर्तियां सरकार सीधी भर्ती प्रक्रिया से करेगी। अपने संकल्प को दोहराते हुए मोहन सरकार ने यह घोषणा की है। इसके लिए सरकार हर साल भर्ती कैलेंडर जारी करेगी, जिसमें अलग-अलग पदों पर भर्ती की समय-सीमा तय होगी। बेरोजगारी की समस्या से निपटने में मदद मिली वहीं, सरकार के इस फैसले से उन युवाओं को फायदा होगा जो सरकारी नौकरी की तलाश में हैं। इससे बेरोजगारी की समस्या से निपटने में भी मदद मिलेगी। यह फैसला 22 नवंबर 2022 को सामान्य प्रशासन विभाग द्वारा जारी किए गए उस आदेश को वित्त विभाग द्वारा 31 अक्टूबर 2024 से रद्द करने के बाद लिया गया है, जिसमें विभिन्न पदों पर भर्ती के लिए दिशा-निर्देश जारी किए गए थे। चल रहीं नियुक्तियां प्रभावित नहीं हालांकि, वित्त विभाग ने यह स्पष्ट किया है कि जिन पदों पर भर्ती प्रक्रिया शुरू हो चुकी है या नियुक्तियां हो चुकी हैं, वे इस आदेश से प्रभावित नहीं होंगी। जहां भर्ती की प्रक्रिया शुरू हो चुकी है उन पदों की भर्ती को निरस्त नहीं किया गया है। वित्त विभाग ने यह भी स्पष्ट किया है कि 16 और 22 नवंबर 2022 को जारी किए गए सर्कुलर में जिन पदों पर 30 अक्टूबर 2024 तक नियुक्तियां हो चुकी हैं, उन्हें भी रद्द नहीं माना जाएगा। आने वाले सालों में होने वाली भर्ती को लेकर वित्त विभाग ने सामान्य प्रशासन विभाग के 22 नवंबर 2022 को जारी आदेश में 31 अक्टूबर 2024 से प्रभाव शून्य घोषित कर दिया है। जिसमें पदों की भर्ती के लिए आदेश जारी किए गए थे। विभाग ने यह भी स्पष्ट किया है कि जहां भर्ती की प्रक्रिया शुरू हो चुकी है उन पदों की भर्ती को निरस्त नहीं किया गया है। ये भर्तियां नहीं होंगी निरस्त वित्त विभाग ने सर्कुलर में स्पष्ट किया है कि, 16 नवंबर 2022 और 22 नवंबर 2022 को जारी किए गए सर्कुलर में निकाली गई भर्तियों में से ऐसे रिक्त पदों पर जिन विभागों ने 30 अक्टूबर 2024 तक नियुक्तियां कर दी हैं, वह निरस्त नहीं मानी जाएंगी। इसके साथ ही सीधी भर्ती के जिन रिक्त पदों पर भर्ती के लिए कार्यवाही संबंधी पत्र कर्मचारी चयन मंडल और एमपी पीएससी या अन्य भर्ती संस्था को भेजे गए हैं या नियुक्ति की जा चुकी है पर कार्यभार ग्रहण करना शेष है तथा परीक्षा परिणाम के आधार पर नियुक्ति पत्र जारी किया जाना शेष है। ऐसी भर्ती भी निरस्त नहीं मानी जाएगी। 5 प्रतिशत पद ही सीधी भर्ती से भरने का आदेश स्थगित वित्त विभाग के निर्देशों में कहा है कि 3 जनवरी 2013 और 13 अगस्त 2021 को जारी निर्देशों में संवर्ग में स्वीकृत पदों के आधार पर 5 प्रतिशत पदों को ही सीधी भर्ती से भरने के लिए निर्णय लिया है। 18 नवंबर को जारी सर्कुलर में पूर्व में तय लिमिट की प्रभावशीलता को वर्ष 2028-29 तक के लिए स्थगित कर दिया गया है। MPPSC के भर्ती के लिए भेजे पत्र इसके अलावा, जिन पदों पर कर्मचारी चयन मंडल या MPPSC को भर्ती के लिए पत्र भेजे जा चुके हैं या नियुक्ति पत्र जारी किए जा चुके हैं, पर उम्मीदवारों ने अभी तक जॉइन नहीं किया है, उन पदों पर भी भर्ती प्रक्रिया जारी रहेगी। ’50 पद रिक्त तो यह फॉर्मूला लागू होगा’ वहीं, जिन संवर्गों में 51 से 200 पद रिक्त हैं, वहां रिक्त पदों की संख्या के आधार पर भर्ती की जाएगी। अगर 33% से कम पद रिक्त हैं, तो उन्हें एक ही बार में भरा जाएगा। अगर 33% से ज्यादा लेकिन 66% से कम पद रिक्त हैं, तो 8% पदों को 2024-25 में, 46% पदों को 2025-26 में और 46% पदों को 2026-27 में भरा जाएगा। ऐसे भरे जाएंगे पद ऐसे संवर्ग जिनमें रिक्त पदों की संख्या 51 से 200 तक है, उनमें पदों की पूर्ति तीन चरणों में की जाएगी। यानी सीधी भर्ती के यदि कुल पदों में से रिक्त पद 33 प्रतिशत से कम है तो एक बार में भरे जाएंगे। यदि 33 प्रतिशत से अधिक अथवा 66 प्रतिशत से कम हैं तो वर्षवार प्रथम वर्ष 2024-25 में 8 प्रतिशत, द्वितीय वर्ष 2025-26 में 46 प्रतिशत और तृतीय वर्ष 2026-27 में 46 प्रतिशत भरे जाएंगे। 66 प्रतिशत से अधिक रिक्त पद रिक्त पद 66 प्रतिशत से अधिक हैं तो वर्षवार चार वर्ष में प्रथम वर्ष आठ प्रतिशत, द्वितीय वर्ष 31 प्रतिशत, तृतीय वर्ष 31 प्रतिशत और चतुर्थ वर्ष 30 प्रतिशत भरे जाएंगे। ऐसे संवर्ग जिनमें रिक्त पदों की संख्या 200 से अधिक है, वहां गणना के अनुसार रिक्त पद 25 प्रतिशत से कम होने पर एक बार में भरे जाएंगे। 25 प्रतिशत से अधिक व 50 प्रतिशत से कम है तो वर्षवार प्रथम वर्ष 2024-25 में 8 प्रतिशत, द्वितीय वर्ष 2025-26 में 46 प्रतिशत और तृतीय वर्ष 2026-27 में 46 प्रतिशत भरे जाएंगे। 50 प्रतिशत से अधिक व 75 प्रतिशत से कम होने पर प्रथम वर्ष 2024-25 में 8 प्रतिशत, द्वितीय वर्ष 2025-26 में 31 प्रतिशत, तृतीय वर्ष 2026-27 में 31 प्रतिशत और चतुर्थ वर्ष 2027-28 में 30 प्रतिशत पद भरे जाएंगे। 75 प्रतिशत से अधिक रिक्त पद होने पर वर्षवार पांच वर्ष में 2024-25 में 8 प्रतिशत, 2025-26 में 23 प्रतिशत, 2026-27 में 23 प्रतिशत, 2027-28 में 23 प्रतिशत और पांचवें वर्ष 2028-29 में 23 प्रतिशत पद भरे जाएंगे। – वाहन चालकों की नहीं होगी सीधी भर्ती, आउटसोर्स पर रखे जाएंगे मप्र में वाहनों चालकों की सीधी भर्ती नहीं की जाएगी। इसकी जगह वाहन चालक आउटसोर्स पर रखे जाएंगे। विशिष्ट विभाग जहां वाहन चालकों के रिक्त पदों पर सीधी भर्ती अति आवश्यक है, वे वित्त विभाग को तथ्यों के साथ प्रस्ताव प्रस्तुत कर भर्ती की स्वीकृति ले सकेंगे। इसी तरह चतुर्थ श्रेणी के रिक्त पदों पर भी सीधी भर्ती नहीं की जाएगी। इनकी जगह आउटसोर्स पर चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी रखें जाएंगे।

मुख्यमंत्री साय बोले – छत्तीसगढ़ में नक्सल आपरेशन में मिल रही सफलता की पूरे देश में हो रही है प्रशंसा

रायपुर मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने सीआरपीएफ के जवानों से कहा कि पिछले 11 महीनों के दौरान आप लोगों ने जिस तरह नक्सली आतंक को खत्म करने की दिशा में ऐतिहासिक सफलताएं हासिल की हैं, उसकी पूरे देश में प्रशंसा हो रही है। आप लोग परिवार से दूर रहकर और सुख-सुविधाओं को त्याग कर बस्तर के विकास में जो योगदान दे रहे हैं, उससे आप लोगों ने यहां के जनजातीय समुदायों के हृदय में अपने लिए हमेशा हमेशा के लिए जगह बना ली है। श्री साय बस्तर जिले में केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल  के सेडवा कैंप में जवानों को सम्बोधित कर रहे थे। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के अचानक सीआरपीएफ कैंप पहुंचने पर आश्चर्यमिश्रित खुशी के साथ ही जवानों ने उनका गर्मजोशी के साथ स्वागत किया। मुख्यमंत्री श्री साय ने सुरक्षा बलों के जवानों से आत्मीयतापूर्वक संवाद करते हुए कहा कि जब मैं बस्तर क्षेत्र आदिवासी विकास प्राधिकरण की बैठक में चित्रकोट आया था, तो मेरी बड़ी इच्छा थी कि मैं आप सब जवानों से मिलूं। पिछले 11 महीनों में छत्तीसगढ़ में नक्सल मोर्चे पर जो सफलता मिली है, उसमें आप सभी का अत्यधिक महत्वपूर्ण योगदान है। मैं आप सभी के साहस को नमन करता हूं। नक्सल अभियान में आप सभी को जो सफलता मिल रही है, उसकी पूरे देश में प्रशंसा हो रही है। प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी से जब भी मेरी मुलाकात होती है तो वे नक्सल अभियान में छत्तीसगढ़ को मिल रही सफलता का जिक्र जरूर करते हैं। गृह मंत्री श्री अमित शाह का नक्सल ऑपरेशन में सतत मार्गदर्शन और सहयोग मिलते रहा है। मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि बस्तर में हमने नक्सलवाद को वर्ष 2026 तक समूल नष्ट करने का संकल्प लिया है। हमारे यशस्वी प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी और गृहमंत्री श्री अमित शाह का भी यही संदेश है। बस्तर में पुलिस और सुरक्षा बलों के जवानों ने अल्प अवधि में ही 200 से ज्यादा नक्सलियों को ढेर कर दिया है। 740 से ज्यादा माओवादी कैडर्स ने आत्मसमर्पण कर दिया है। वे हिंसा त्याग कर लोकतंत्र की मुख्य धारा में शामिल हो गए हैं।शासन ने हिंसा का त्याग करने वाले नक्सलियों के पुनर्वास के लिए ऐसी नीति बनाई है कि आने वाले दिनों में और भी बड़ी संख्या में नक्सली आत्मसमर्पण करेंगे। सुरक्षा बल के जवानों द्वारा कैंप में रात्रि विश्राम करने के आग्रह पर उन्होंने कैंप में रात्रि विश्राम भी किया।

मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री मोहन यादव ने ‘The Sabarmati Report’ की टैक्स फ्री, बोले- ‘दूध का दूध पानी का पानी होना चाहिए’

भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने द साबरमती रिपोर्ट (The Sabarmati Report) को प्रदेश में टैक्स फ्री करने का ऐलान कर दिया है। उन्होंने कहा कि वह फिल्म देखने जाएंगे। उनके साथ-साथ सांसद और विधायक भी फिल्म देखेंगे। सीएम ने कहा कि घटना का दूध का दूध पानी का पानी होना चाहिए। वोटों की राजनीति के लिए गंदा खेल खेला गया मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि साबरमती बहुत अच्छी फिल्म बनी है। टैक्स फ्री इसलिए की गई ताकि अधिकांश लोग देख सकें। यह एक काला अध्याय है। इस फिल्म को देखने से दूध का दूध पानी का पानी होना चाहिए। वोटों की राजनीति के लिए गंदा खेल खेला गया। हमारे प्रधानमंत्री ने उस समय मुख्यमंत्री रहते हुए गुजरात की इज्जत बचाई, देश की इज्जत बचाई। यह सच सामने आना ही चाहिए। सीएम ने की भारत के इतिहास की तारीफ मुख्यमंत्री आज भोपाल में आयोजित AUAP के 17 वें सम्मेलन में शामिल हुए। इस दौरान उन्होंने कहा कि इतिहास देखेंगे तो हिंदुस्तान के अतीत में। बांग्लादेश भी अपने ही करीब है। भारत का इतिहास शिक्षा क्षेत्र से जुड़ा है। 1000 से 2000 साल तक देश-दुनिया के लोगों ने भारत आकर शिक्षा ग्रहण की। जीवन मूल्य और मेरिट का सबसे बेहतर तालमेल भारत में रहा है। नैतिक मूल्य का अंतर कौरव-पांडव में दिखाई देता है। रावण की महारथी था, लेकिन नैतिक मूल्य नहीं थे। रावण ने पूरी लंका ही सोने की बना ली थी। जिस बात की कमी थी वह हमारे सामने है। राम जी आम लोगों के साथ नैतिक मूल्य स्थापित करते हैं। 2 हजार साल से अपनी जमीन ढूंढ रहा इजरायल मुख्यमंत्री ने आगे कहा कि इजरायल लगातार संघर्ष कर रहा है। 2 हजार साल से अपनी जमीन ढूंढ रहा है। इसकी भी बात होनी चाहिए। लड़ कौन रहा है लड़वा कौन रहा है? मर कौन रहा है मरवा कौन रहा है? यह भी हमें देखना पड़ेगा। इस बीच जीवन मूल्य और शांति की बात कौन कर रहा है? यह सिर्फ भारत कर रहा है। जनता की योजनाओं के लिए भागीदारी का भाव लेकर चलना, यह भाव लेकर कौन आया? मनमोहन सिंह पर साधा निशाना मुख्यमंत्री ने पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह पर निशाना साधा। उन्होंने कहा, “मैं यहां राजनीति के लिए नहीं कह रहा। मेरे अंदर भाव आ रहा है इसलिए कह रहा। जो वित्त मंत्री रहे, जिनके पास फाइनेंस की डिग्रियां रहीं, लेकिन उनसे क्या चूक हुई? एक चाय वाले के दिमाग में आई कि बगैर पैसे के खाता खुल सकता है। यह शिक्षा व्यवस्था की चूक है? व्यवस्था की चूक है? भाव की चूक है या नैतिकता की चूक है? मुझे लगता है यह अंदर के आग की चूक है। ज्ञान की कोई सीमा नहीं सीएम ने आगे कहा कि हमारे देश का संबंध बांग्लादेश से अलग ही प्रकार का है। हमारे देश की गंगा बहते हुए बांग्लादेश से होते हुए समुद्र में मिलती है। मध्य प्रदेश में नई शिक्षा नीति लागू की गई। ज्ञान की कोई सीमा नहीं, इसलिए डिग्री की बाध्यता और उम्र की बाध्यता को खत्म किया। मध्य प्रदेश में किसी भी उम्र में चाहे जितनी डिग्री चाहे उतनी कर सकते हैं।

CG लोक सेवा आयोग के पूर्व अध्यक्ष 45 लाख की रिश्वत लेने में गिरफ्तार, जानें क्या मामला

रायपुर छत्तीसगढ़ के रायपुर शहर सीबीआई ने सीजीपीएससी के तत्कालीन अध्यक्ष टामन सिंह सोनवानी और बजरंग पॉवर एंड इस्पात के डायरेक्टर श्रवण कुमार गोयल को गिरफ्तार किया है। पीएससी घोटाले में यह पहली गिरफ्तारी की गई है। गिरफ्तारी बजरंग इस्पात के डायरेक्टर पर अपने रिश्तेदार को नौकरी लगवाने के नाम पर 45 लाख रुपए रिश्वत देने के मामले में हुई है। सीबीआई का ताबड़तोड़ एक्शन  बताया जाता है कि राज्य सेवा परीक्षा के जरिए नौकरी लगाने के नाम पर लेनदेन हुई थी। जांच के दौरान इसकी पुष्टि होने पर बजरंग इस्पात के डायरेक्टर को गिरफ्तार किया गया है। बता दें कि विधानसभा चुनाव के दौरान आयोजित रैलियों में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इस मुद्दे को प्रमुखता से उठाते हुए पीएससी में हुए घोटाले पर कार्रवाई की गारंटी दी थी। जिसके बाद विष्णु देव साय ने मुख्यमंत्री बनते ही मामले की जांच सीबीआई से कराने के आदेश दिए। सीबीआई सोमवार को प्रदेश में एक्शन मोड में दिखी। सीबीआई ने सीजीपीएससी के पूर्व चेयरमैन टामन सिंह सोनवानी और बजरंग पावर एंड इस्पात के डायरेक्टर श्रवण कुमार गोयल को पीएससी घोटाले में गिरफ्तार कर लिया। दूसरी ओर शराब घोटाले में आबकारी विभाग के विशेष सचिव एपी त्रिपाठी से सीबीाई की पूछताछ का रास्ता साफ हो गया है। वहीं कोरबा में सीबीआई की टीम ने श्रमिक नेता के घर आर्थिक गड़बड़ी के मामले में छापा मारा।  ईओडब्ल्यू ने सीबीआई को सौंपी थी फाइल पीएससी घोटाले में एफआईआर दर्ज करने के बाद ईओडब्ल्यू वर्ष 2019 से 2022 में आयोजित सीजीपीएस परीक्षा में अफसर, नेताओं तथा प्रभावशाली लोगों के 18 रिश्तेदार, परिजन तथा करीबियों से रिश्वत लेकर डिप्टी कलेक्टर, डीएसपी सहित अन्य पदों पर चयन करने के आरोप के बाद एफआईआर की थी। इसके अलावा सीजीपीएसी के एक प्रतिभागी ने बालोद, अर्जुंदा थाने में फरवरी में एफआईआर दर्ज कराई थी। मिली अनुमति: एपी त्रिपाठी से होगी पूछताछ रायपुर में सीबीआई 2000 करोड़ रुपए से ज्यादा के शराब घोटाले में आबकारी विभाग के विशेष सचिव एपी त्रिपाठी से पूछताछ करेगी। राज्य सरकार की अनुमति मिलने के बाद जल्दी ईडी और ईओडब्ल्यू के बाद सीबीआई भी एफआईआर दर्ज कर सकती है। साथी इस प्रकरण में बनाए गए अन्य आरोपियों को गिरफ्तार कर पूछताछ करने रिमांड पर लिया जा सकता है। बता दे कि आबकारी विभाग के विशेष सचिव रहे एपी त्रिपाठी के खिलाफ झारखंड में शराब घोटाला करने के अपराध दर्ज है। इस समय एपी त्रिपाठी को रायपुर से जगदलपुर जेल शिफ्ट किया गया है। कोरबा: श्रमिक नेता के घर सीबीआई की रेड सीबीआई की टीम ने कोरबा के हरदीबाजार और दीपका क्षेत्र में छापेमारी की। इंटक के जिलाध्यक्ष श्यामू (खुशाल जायसवाल) के निवास व दीपका के एक व्यवसायी राजेश जायसवाल के घर व दुकान में दबिश दी। उनके संपत्ति सहित आय के अन्य स्रोतों की जांच की। सीबीआई की यह कार्यवाही सुबह 6 बजे से शुरू हुई जो दोपहर बाद तक जारी रही। लेकिन सीबीआई ने इस मामले को लेकर दोनों ही स्थानों पर कई घंटे तक तलाशी ली और परिवार की आय और संपत्ति के स्रोत का पता लगाया। मुआवजा वितरण में गड़बड़ी का मामला बताया जाता है कि यह पूरा मामला एसईसीएल की दीपका खदान के लिए अधिग्रहित गांव सुआभोड़ी और मलगांव की जमीन अधिग्रहण के बाद मुआवजा वितरण से जुड़ा है। कई पात्र लोगों को अफसरों ने अलग-अलग कारणों का हवाला देकर अपात्र कर दिया है तो कई अपात्र लोगों को ज्यादा मुआवजा मिला है। ये है विवाद CGPSC 2019 से 2022 तक की भर्ती में कुछ अभ्यर्थियों के चयन को लेकर विवाद है। EOW और अर्जुंदा पुलिस ने भ्रष्टाचार-अनियमितता के आरोप में केस दर्ज किया है। PSC ने 2020 में 175 पदों पर और 2021 में 171 पदों पर परीक्षा ली थी। इन्हीं भर्तियों को लेकर ज्यादा विवाद है। आरोप है कि तत्कालीन चेयरमैन सोनवानी ने अपने रिश्तेदारों समेत कांग्रेसी नेता और ब्यूरोक्रेट्स के बच्चों की नौकरी लगवाई है। 171 पदों के लिए हुई थी भर्ती परीक्षा CGPSC परीक्षा 2021 में 171 पदों के लिए भर्ती परीक्षा आयोजित की गई थी। प्री-एग्जाम 13 फरवरी 2022 को कराया गया। इसमें 2 हजार 565 पास हुए थे। इसके बाद 26, 27, 28 और 29 मई 2022 को हुई मेंस परीक्षा में 509 अभ्यर्थी पास हुए। इंटरव्यू के बाद 11 मई 2023 को 170 अभ्यर्थियों की सिलेक्शन लिस्ट जारी हुई।

slot server thailand super gacor

spaceman slot gacor

slot gacor 777

slot gacor

Nexus Slot Engine

bonus new member

olympus

situs slot bet 200

slot gacor

slot qris

link alternatif ceriabet

slot kamboja

slot 10 ribu

https://mediatamanews.com/

slot88 resmi

slot777

https://sandcastlefunco.com/

slot bet 100

situs judi bola

slot depo 10k

slot88

slot 777

spaceman slot pragmatic

slot bonus

slot gacor deposit pulsa

rtp slot pragmatic tertinggi hari ini

slot mahjong gacor

slot deposit 5000 tanpa potongan

mahjong

spaceman slot

https://www.deschutesjunctionpizzagrill.com/

spbo terlengkap

cmd368

368bet

roulette

ibcbet

clickbet88

clickbet88

clickbet88

bonus new member 100

slot777

https://bit.ly/m/clickbet88

https://vir.jp/clickbet88_login

https://heylink.me/daftar_clickbet88

https://lynk.id/clickbet88_slot

clickbet88

clickbet88

https://www.burgermoods.com/online-ordering/

https://www.wastenotrecycledart.com/cubes/

https://dryogipatelpi.com/contact-us/

spaceman slot gacor

ceriabet link alternatif

ceriabet rtp

ceriabet

ceriabet link alternatif

ceriabet link alternatif

ceriabet login

ceriabet login

cmd368

sicbo online live

Ceriabet Login

Ceriabet

Ceriabet

Ceriabet

Ceriabet

casino online

clickbet88

login kudahoki88

Ceriabet

Ceriabet

Ceriabet

slot olympus

sbobet

slot thailand

sbobet