LATEST NEWS

भोपाल डिप्टी कलेक्टर पर दुष्कर्म का आरोप, महिला का कहना शादी का झांसा देकर किया रेप, देर रात हुई एफआईआर

भोपाल राजधानी भोपाल में पदस्थ डेप्युटी कलेक्टर पर रेप का केस दर्ज हुआ है। उन्होंने राजगढ़ जिले में पदस्थ एक महिला कर्मचारी के साथ शादी के नाम पर रेप किया है। डेप्युटी कलेक्टर पर आरोप है कि शादी का झांसा देकर दो साल तक महिला के साथ संबंध बनाते रहे। इस दौरान महिला को डेप्युटी कलेक्टर ने भोपाल भी बुलवाया है। भोपाल स्थित गेस्ट हाउस में महिला को रुकवाया। बाद में डेप्युटी कलेक्टर शादी से मुकर गए। रात 11 बजे के करीब दर्ज हुआ केस महिला की शिकायत पर डेप्युटी कलेक्टर से करीब 13 घंटे तक पूछताछ हुई है। इसके बाद रात 11 बजे डेप्युटी कलेक्टर राजेश सोरते पर एफआईआर दर्ज की गई है। जांच के बाद डेप्युटी कलेक्टर की गिरफ्तारी भी हो सकती है। आरोप है कि डेप्युटी कलेक्टर राजेश सोरते जब राजगढ़ जिले में तहसीलदार के पद पर पदस्थ थे तो महिला कर्मचारी से शादी का वादा कर संबंध बनाए थे। शादी से मुकर गए दो सालों तक रिश्ते में रहने के बाद डेप्युटी कलेक्टर राजेश सोरते शादी से मुकर गए। इसके बाद महिला कर्मचारी आरपार के मूड में आ गई। महिला कर्मचारी ने पुलिस में शिकायत दी थी। शिकायत करने के बाद 15 दिन डेप्युटी कलेक्टर के खिलाफ एफआईआर दर्ज करने में लग गए। यह केस पचोर थाने में दर्ज हुआ, यह राजगढ़ जिले में है। बताया जा रहा है कि पचोर थाने में महिला को पूछताछ के लिए बुलाया गया था। इसके बाद देर रात डेप्युटी कलेक्टर पर केस दर्ज हुआ है। महिला कर्मी ने कहा कि डेप्युटी कलेक्टर दो साल तक अलग-अलग जगहों पर संबंध बनाते रहे हैं। भोपाल स्थित बंगले पर भी बुलाया। इसके साथ ही सर्किट हाउस भी बुक करवाया था। शादी की बात आने पर उन्होंने दूरी बना ली। तहसीलदार अपने चैंबर में बार-बार बुलाते थे पीड़ित महिला ने बताया कि 24 साल पहले शादी हुई थी। एक बेटा भी है। साल 2014 में पति की मौत के छह साल बाद अनुकंपा नियुक्ति मिली। 2022 में राजेश सोरते ने बतौर तहसीलदार जाॅइन किया। कुछ दिन तो ठीक-ठाक चला। बाद में तहसीलदार अपने चैंबर में मुझे बार-बार बुलाते थे। वह बुलाने का बहाना ढूंढते थे। एक रात में मुझे कॉल किया। मैं घबरा गई। सोचा कि ऐसी क्या गलती हो गई, जो इतने समय साहब का कॉल आया है। फिर उन्होंने हालचाल पूछा। सामान्य बातचीत के बाद कॉल कट कर दिया। कुछ दिन बाद तहसीलदार काम करने सरकारी बंगले पर बुला लेते। यहां साफ-सफाई, खाना पकाने का काम करती थी। प्रेम जाल में फंसाया, फिर डेढ़ साल तक रेप एक दिन वह रसोई में आ गए। मुझे हाथ लगाने लगे। मैं घबराकर रोने लगी। कहा कि यह गलत है। उन्होंने कहा- मेरा भी दुनिया में कोई नहीं है। मैं तुम्हारा बुरा नहीं चाहूंगा। तलाकशुदा हूं। बीवी-बच्चे नहीं हैं। परेशान हूं। मुझे तुम्हारी मदद चाहिए। मैं भी तुम्हारी मदद करूंगा। बिना जवाब दिए मैं चली गई। दो–चार दिन तक टालती रही। फिर बोलने लगे कि तुम्हारी अनुकंपा नियुक्ति है। काम ज्यादा दे देंगे। छुटि्टयां नहीं मिलेंगी। नौकरी से निकलवा दूंगा। जैसा मैं कहता हूं, वैसा करो। मेरे सामने दूसरी महिलाकर्मियों को बुरी तरह डांटा। यह देखकर मैं डर गई। सोचा, काम से निकाल दिया, तो क्या करूंगी। दबाव में फिर काम करने लगी। बोलचाल बढ़ने लगी। घर से परेशान थी। अकेली भी थी, तो बातों में आ गई।’  

सीएम मोहन यादव ने कहा गुरु नानक जीवन भर सच्चाई और बराबरी के लिए काम करते रहे

भोपाल  सीएम मोहन यादव ने गुरु नानक जयंती पर भोपाल के अरेरा कॉलोनी स्थित गुरुद्वारे में मत्था टेका है। साथ ही प्रदेश के लोगों को गुरु पर्व की बधाई दी है। सीएम मोहन यादव ने इस मौके पर लोगों को संबोधित भी किया है। उन्होंने कहा कि गुरु महाराज अखंड भारत के प्रणेता थे। सीएम मोहन यादव ने कहा कि वह जीवन भर सच्चाई और बराबरी के लिए काम करते रहे हैं। अखंड भारत में हुआ उनका जन्म सीएम मोहन यादव ने कहा कि वह पूरी दुनिया के लिए आदर्श हैं। उनका जन्म अखंड भारत में हुआ। वह अखंड भारत के प्रणेता थे। इसके साथ ही 17 नवंबर को सीएम हाउस में प्रकाश पर्व का बड़ा कार्यक्रम आयोजित होगा। उन्होंने कहा कि गुरु नानक देव की शिक्षाएं एवं आदर्श जीवन मानव सेवा के लिए हमें सर्वदा प्रेरित और हमारा पथ प्रदर्शित करती रहेंगी। ”सतनाम श्री वाहेगुरु” मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने सिख धर्म के संस्थापक, परम श्रद्धेय श्री गुरु नानक देव जी की जयंती पर अरेरा कॉलोनी, भोपाल स्थित गुरुद्वारे पहुंचकर मत्था टेका और सबके मंगल के लिए प्रार्थना की।@DrMohanYadav51 #CMMadhyaPradesh #गुरु_नानक_जयंती pic.twitter.com/6UaUQQ0Iev — Chief Minister, MP (@CMMadhyaPradesh) November 15, 2024

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने वृहद परियोजना नियंत्रण मंडल की बैठक ली

भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि माँ क्षिप्रा के पावन स्नान का सौभाग्य सभी संतो और श्रद्धालुओं को वर्ष भर मिलना चाहिए। इसके लिए वर्षाकाल में क्षिप्रा नदी के मूल पानी को संचित करें। मुख्यमंत्री डॉ. यादव मुख्यमंत्री निवास स्थित समत्व भवन में वृहद परियोजना नियंत्रण मंडल की बैठक को संबोधित कर रहे थे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि क्षिप्रा नदी में स्नान करने का विशेष धार्मिक महत्व है। सिंहस्थ के शुरू होने से पहले सेवरखेड़ी-सिलारखेड़ी सिंचाई परियोजना का निर्माण कार्य पूर्ण कराएं। उज्जैन के लोगों को पेयजल की आपूर्ति पूर्ण रूप से हो इसका विशेष ध्यान रखा जाए। विक्रम उद्योगपुरी में पानी की आपूर्ति के लिए अन्य स्रोत की योजना बनाएं। बैठक में मुख्य सचिव अनुराग जैन, अपर मुख्य सचिव मुख्यमंत्री एवं जल संसाधन तथा नर्मदा घाटी विकास डॉ. राजेश राजौरा, प्रमुख सचिव वित्त मनीष रस्तोगी सहित संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे। उल्लेखनीय है कि सेवरखेड़ी-सिलारखेड़ी सिंचाई परियोजना क्षिप्रा नदी को निरंतर प्रवाहमान बनाए जाने के लिए निर्मित की जा रही है। परियोजना के अंतर्गत 614 करोड़ 53 लाख रुपए की लागत से ग्राम सेवरखेड़ी में बांध बनाया जाएगा, जिसमें वर्षाकाल के क्षिप्रा नदी के जल का उद्वहन करके ग्राम सिलारखेड़ी में स्थित सिलारखेड़ी तालाब में संचित किया जाएगा। सिलारखेड़ी तालाब से संग्रहित जल को वर्षाकाल के बाद क्षिप्रा नदी में पुन: प्रवाहित किया जाएगा।  

पीथमपुर औद्योगिक क्षेत्र में काम करने वालों को अब नहीं करना पड़ेगा शहरों से अपडाउन, बनेगी विशाल टाउनशिप

पीथमपुर  पीथमपुर औद्योगिक क्षेत्र में काम करने वाले कर्मचारी-अफसरों को इंदौर और आसपास के शहरों से अपडाउन न करना पड़े, इसलिए मप्र औद्योगिक विकास निगम (एमपीआईडीसी) उद्योगों के समीप ही आवासीय टाउनशिप तैयार करने की योजना पर काम कर रहा है। दरअसल केंद्र सरकार की मंशा है कि औद्योगिक क्षेत्रों में काम करने वाले कर्मचारियों के लिए उसी क्षेत्र में आवासीय सुविधाएं विकसित की जाए ताकि उन्हें कार्यस्थल तक जाने में परेशानी न हो। टाउनशिप विकसित की जाएगी इसलिए एमपीआईडीसी ने दो प्रोजेक्ट का प्रस्ताव बनाकर केंद्र सरकार के आवास एवं शहरी मामलों के मंत्रालय को भेजा है। जिसमें इंदौर जैसी अत्याधुनिक सुविधाओं वाली आवासीय सोसायटियों की तर्ज पर पीथमपुर में टाउनशिप विकसित की जाएगी। पीथमपुर के सेक्टर-1 और 6 में दो टाउनशिप में बनने वाली 22 इमारतों में 1362 फ्लैट तैयार किए जाएंगे। टाउनशिप परिसर में गार्डन, सीसीटीवी सर्विलांस, पार्किंग, चौड़ी सड़कें, प्ले जोन, लिफ्ट, फायर सेफ्टी आदि सुविधाएं मिलेंगी। पीथमपुर में पायलट प्रोजेक्ट के तहत टाउनशिप विकसित की जाएंगी। प्रयोग सफल होने पर प्रदेश के अन्य औद्योगिक क्षेत्रों में भी इसे लागू किया जाएगा। लोग रोज अपडाउन करते हैं पीथमपुर में एक हजार से अधिक उद्योग संचालित किए जा रहे हैं। इन उद्योगों में मप्र सहित अन्य प्रदेशों से आए लाखों कर्मचारी काम करते हैं। इनमें से एक लाख से अधिक लोग इंदौर, राऊ और महू से अपडाउन करते हैं। हर वर्ष इस औद्योगिक क्षेत्र में सात फीसद की दर से कर्मचारियों की बढ़ोतरी हो रही है। एमपीआईडीसी ने इन्हीं बिंदुओं को लेकर कुछ समय पहले सर्वे किया था, जिसमें पता चला कि पीथमपुर में इन कर्मचारियों के लिए किफायती बजट में 15 से 20 हजार घरों की जरूरत है। इधर पीथमपुर के आसपास निजी कॉलोनियों में जमीन के दाम आसमान छू रहे हैं। आवासीय टाउनशिप की प्लानिंग श्रमिकों को मलिन बस्तियों और अवैध बस्तियों में अस्वच्छ परिस्थितियों में रहने के लिए मजबूर होना पड़ता है। इसलिए एमपीआईडीसी ने पीथमपुर के सेक्टर-1 और 6 में आवासीय टाउनशिप की प्लानिंग की है। हाल ही में इन दोनों टाउनशिप का मसौदा तैयार कर स्वीकृति के लिए मुख्यालय भेजा गया है। संभवत: आगामी वर्ष में इन प्रोजेक्ट पर काम शुरू हो जाएगा। दोनों टाउनशिप में गार्डन, सीसीटीवी सर्विलांस, पार्किंग, प्ले जोन, लिफ्ट, फायर सेफ्टी जैसी अनेक सुविधाएं रहेंगी।

इस वर्ष पड़ेगी कड़ाके की ठंड, IMD की भविष्याणी ने बढ़ा दी टेंशन, ला नीना के एक्टिव होने की संभावना

नई दिल्ली भारत में इस साल ठंड के तेवर कैसे रहेंगे इसको लेकर मौसम विभाग की चेतावनी आ गई है। आईएमडी के मुताबिक इस साल देश में कड़ाके की ठंड पड़ने के आसार हैं। इसके मुताबिक इस दौरान हालात बहुत चुनौतीपूर्ण हो सकते हैं। मौसम विभाग के मुताबिक हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड और जम्मू-कश्मीर में सर्दी काफी ज्यादा सता सकती है। गौरतलब है कि मौसम ने अपना असर दिखाना शुरू कर दिया है। उत्तर भारत के शहरों में सुबह धुंध की चादर में लिपटी नजर आ रही है। इसके अलावा दिन और रात के तापमान में ठीक-ठाक अंतर महसूस होने लगा है। क्यों कहा जा रहा कि पड़ेगी कड़ाके की ठंड इसकी वजह है अक्टूबर-नवंबर के दौरान ला नीना के एक्टिव होने की संभावना। IMD के अनुसार अक्टूबर-नवंबर में ला नीना की स्थिति बनने की 71% संभावना है। हालांकि मौसम विभाग का यह भी कहना है कि ठंड कितनी पड़ेगी इसका सटीक पूर्वानुमान नवंबर में ही लग पाएगा। ला नीना के इसी महीने एक्टिव होने पर दिसंबर और जनवरी के महीने में कड़ाके की ठंड पड़ सकती है। ला नीना की वजह से आमतौर पर तापमान में गिरावट आती है। सर्दियों में भी इसकी वजह से अधिक बारिश होती है। ला नीना का प्रभाव कितना ला नीना के दौरान पूर्वी हवाएं समुद्र के पानी को पश्चिम की ओर धकेलती हैं। इस वजह से समुद्र की सतह ठंडी हो जाती है। आईएमडी के अनुमान के मुताबिक ला नीना अक्टूबर और नवंबर के बीच एक्टिव होने की संभावना 71 प्रतिशत है। IMD के महानिदेशक मृत्युंजय महापात्र के अनुसार अक्टूबर-नवंबर में ला नीना की स्थिति बनने की 71% संभावना है। जब ला नीना होता है, तो उत्तर भारत, खासकर उत्तर-पश्चिमी भारत और आसपास के मध्य क्षेत्र में तापमान सामान्य से कम हो जाता है। क्यों पड़ेगी अधिक ठंड मौसम विभाग के मुताबिक भारत में अधिक ठंड का संबंध ला-नीना से है। ला-नीना मौसम की एक खास अवस्था है। अगर ला-नीना बनता है तो भारत के उत्तरी, उत्तर-पश्चिमी और दिल्ली-एनसीआर समेत मध्य क्षेत्र में आमतौर पर ठंड का प्रकोप देखने को मिलता है। हालांकि ला-नीना का पूरा प्रभाव आने वाले महीने में समझ में आएगा। क्या है ला-नीना स्पेनिश में ला-नीना का मतलब होता है छोटी लड़की, यह अल-नीनो का उलटा होता है। जब ला-नीना बनता है तो यह काफी ज्यादा ठंड ले आता है। यह प्रशांत महासागर की सतह पर ठंड को बढ़ाता है। इस दौरान बारिश खूब होती है और तापमान में कमी आती है। ला-नीना विभिन्न वैश्विक जलवायु परिवर्तनों से जुड़ा हुआ है। जैसे-अटलांटिक में अधिक तूफान, दक्षिण अमेरिका में सूखा, और दक्षिण पूर्व एशिया और ऑस्ट्रेलिया में गीला मौसम। यह अप्रैल और जून के बीच शुरू होता है, अक्टूबर से फरवरी तक मजबूत होता है। यह 9 महीने से लेकर 2 साल तक कहीं भी रह सकता है। भारत पर कितना असर सितंबर में आईएमडी ने भविष्यवाणी की थी कि ला नीना के चलते भारत में कड़ाके की सर्दी पड़ सकती है। यह उम्मीद की जाती है कि उत्तरी क्षेत्रों, विशेष रूप से हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड और जम्मू और कश्मीर को ठंड के तापमान का सामना करना पड़ेगा, जो संभावित रूप से 3 डिग्री सेल्सियस तक गिर सकता है। तेज बरसात के साथ खतरनाक ठंड सर्दियों की फसल को भी नुकसान पहुंचा सकती है। फिलहाल भारत में फॉग शुरू हो चुका है। उत्तरी भारत, जिसमें जम्मू-कश्मीर, उत्तर प्रदेश, पंजाब, हिमाचल प्रदेश और दिल्ली में सुबह धुंध भरी हो रही है। इसके अलावा आने वाले कुछ दिनों में देश के उत्तर और मध्य हिस्सों में मिनिमम टेम्प्रेचर में बड़ा बदलाव देखने को मिल सकता है। वहीं, अगले दो दिन में पूर्वी भारत में तापमान में तीन से चार डिग्री की गिरावट आ सकती है। वहीं, अगले कुछ दिन के अंदर तापमान में काफी बड़ा बदलाव देखने को मिल सकता है।

साय सरकार किसानों को धान खरीदी का भुगतान मात्र 72 घंटे के अंदर सुनिश्चित करेगी

रायपुर  छत्तीसगढ़ में  14 नवंबर से धान खरीदी शुरू हो गई है. इस दौरान साय सरकार 27 लाख से अधिक किसानों से धान की खरीद समर्थन मूल्य पर करेगी. किसानों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए सरकार की ओर से 2739 उपार्जन केंद्रों के माध्यम से धान खरीदी की व्यवस्था की गई है. वहीं मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने ऐलान किया है कि उनकी सरकार किसानों को भुगतान भी 72 घंटे के अंदर सुनिश्चित करेगी. विधानसभा चुनाव के दौरान बीजेपी ने अपने घोषमा पत्र ‘मोदी की गारंटी’ में 3100 रुपए प्रति क्विंटल की दर से प्रति एकड़ 21 क्विंटल धान खरीदी का वादा किया था. सीएम साय ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स में लिखा, “मोदी की गारंटी के अनुरूप हमारी सरकार ने किसानों के हित में 3100 रुपए प्रति क्विंटल की दर से प्रति एकड़ 21 क्विंटल धान खरीदी का अपना वादा पूरा किया है. इस बार भी 27 लाख से अधिक किसान भाईयों को इसका लाभ मिलेगा.” 72 घंटे के अंदर… सीएम साय ने एक्स पर पोस्ट किया, “प्रदेश के मेरे किसान साथियों आप सभी को जय जोहार… आज से छत्तीसगढ़ में धान खरीदी की शुरुआत हो रही है, जिसके तहत हमारी सरकार ने आप सभी की सुविधा के लिए सारी तैयारियां पूरी कर ली हैं.  अन्नदाता साथियों के धान का एक-एक दाना खरीदना हमारा लक्ष्य है, जिसके तहत इस बार 27 लाख से अधिक किसानों का धान हमारी सरकार खरीदेगी और भुगतान भी 72 घंटे के अंदर सुनिश्चित करेंगे.” उन्होंने आगे लिखा कि किसानों को धान खरीदी के लिए अधिक दूरी तय न करना पड़े, इसका भी हमने विशेष ख्याल रखा है और 2739 उपार्जन केंद्रों के माध्यम से पूरी पारदर्शिता के साथ धान खरीदी की व्यवस्था की गई है, ‘हमारा गर्व- धान खरीदी का पर्व’ सीएम साय ने कहा, “अन्नदाता हमारे छत्तीसगढ़ की आत्मा हैं, उनकी मेहनत को पूरा दाम और सम्मान मिले, इसके लिए हमारी सरकार तत्पर है. हमने किसानों से उनके पूरी उपज को खरीदने, खरीदी में पूरी पारदर्शिता बरतने और तय समयसीमा में भुगतान करने पर विशेष ध्यान दिया है. हमारा गर्व – धान खरीदी का पर्व. जम्मो किसान साथी मनला गाड़ा-गाड़ा बधई अउ शुभकामना…” सीएम साय ने किसानों को धान खरीदी की दी शुभकामनाएं: धान खरीदी की शुरुआत को लेकर सीएम विष्णुदेव साय ने एक्स पर पोस्ट किया. उन्होंने लिखा “प्रदेश के मेरे किसान साथियों आप सभी को जय जोहार…  छत्तीसगढ़ में धान खरीदी की शुरुआत हो रही है, जिसके तहत हमारी सरकार ने आप सभी की सुविधा के लिए सारी तैयारियां पूरी कर ली हैं. अन्नदाता साथियों के धान का एक-एक दाना खरीदना हमारा लक्ष्य है.”     धान खरीदी का पर्व जम्मो किसान साथी मनला गाड़ा-गाड़ा बधई अउ शुभकामना: विष्णुदेव साय, मुख्यमंत्री, छत्तीसगढ़ 27 लाख से ज्यादा किसानों से धान खरीदी: सीएम विष्णुदेव साय ने बताया कि प्रदेश में इस बार 27 लाख से ज्यादा किसानों का धान सरकार खरीद रही है. इसका भुगतान भी 72 घंटे के अंदर किया जाएगा. सीएम ने बताया कि किसानों को धान खरीदी के लिए ज्यादा दूरी तय न करना पड़े, इसके लिए पूरे प्रदेश में 2739 उपार्जन केंद्र बनाए गए हैं. पूरी पारदर्शिता के साथ धान खरीदी की व्यवस्था की गई है.  

प्रदेश के मालवा क्षेत्र में जल्द ही रोजगार के नए अवसर खुलने वाले हैं, तीन नए इंडस्ट्रियल एरिया का होगा निर्माण

इंदौर  मध्य प्रदेश के मालवा क्षेत्र में जल्द ही रोजगार के नए अवसर खुलने वाले हैं। ये तीन नए इंडस्ट्रियल एरिया पीथमपुर, धार और बदनावर में बनने वाले हैं। इससे मालवा क्षेत्र में रोजगार सृजन को बढ़ावा मिलेगा। साथ ही पीथमपुर में पहले से मौजूद सेक्टरों का भी विकास किया जाएगा। इन प्रोजेक्ट्स के लिए डिटेल प्रोजेक्ट रिपोर्ट यानी डीपीआर भी तैयार की जा रही है। धार जिले में धामनोद के पास जैतापुरा में भी जमीनों का आवंटन लगभग पूरा हो चुका है। इसके अलावा तारापुर और लालबाग-बसवी में भी नए प्रोजेक्ट प्रस्तावित हैं। इन जगहों पर जमीन उद्योग विभाग के पास ही है, जिससे प्रोजेक्ट्स शुरू करने में आसानी होगी। पुरानी जमीन का नए सिरे से विकास होगा पुराने औद्योगिक क्षेत्रों में खाली पड़ी जमीन को भी नए सिरे से विकसित करने की योजना है। अभी तक कुल 1716 हेक्टेयर जमीन चिह्नित की जा चुकी है। इन्वेस्टर्स समिट से पहले इनसे जुड़ी सभी औपचारिकताएं पूरी कर ली जाएंगी। ऐसा होगा धार इंडस्ट्रियल एरिया धार जिले के तारापुर में करीब 256 हेक्टेयर में नया औद्योगिक क्षेत्र बनाया जाएगा। वहीं लालबाग-बसवी में करीब 216 हेक्टेयर जमीन पर नया औद्योगिक क्षेत्र विकसित होगा। पीथमपुर इंडस्ट्रियल एरिया पीथमपुर सेक्टर 8 यानि बरदारी में 450 हेक्टेयर और सेक्टर-9 यानि भाटखेड़ी में 538 हेक्टेयर में नए प्रोजेक्ट विकसित किए जाएंगे। इन प्रोजेक्ट्स पर अनुमानित लागत 1000 करोड़ रुपये आएगी। इन प्रोजेक्ट्स से करीब 3500 लोगों को रोजगार मिलने की उम्मीद है। पीथमपुर सेक्टर 6 के फेज-2 का भी विस्तार होगा, जिसके लिए 74.853 हेक्टेयर जमीन चिह्नित की गई है। इस प्रोजेक्ट पर करीब 80 करोड़ रुपये खर्च होने का अनुमान है। इससे करीब 2500 लोगों को रोजगार मिल सकेगा। बदनावर औद्योगिक क्षेत्र बदनावर के भेंसोला में 205 हेक्टेयर में नया औद्योगिक क्षेत्र विकसित किया जाएगा। इस प्रोजेक्ट की अनुमानित लागत 207 करोड़ रुपये है और इससे लगभग 3000 लोगों को रोजगार मिलने की उम्मीद है। माचल में 23.35 हेक्टेयर में एक लॉजिस्टिक पार्क बनाने का प्रस्ताव है, जिसकी लागत करीब 25 करोड़ रुपये आएगी। इस प्रोजेक्ट से करीब 1 हजार लोगों को रोजगार मिलने की उम्मीद है। एमपीआईडीसी भी कर रही मदद एमपीआईडीसी भी कंपनियों की मदद के लिए तत्परता से काम कर रही है। ताकि उन्हे अपना काम शुरू करने में दिक्कतों का सामना न करना पड़े। इस विषय पर बात करते हुए एक सीनियर अधिकारी ने बताया कि इंदौर-धार रीजन में पहले से ही कई बड़े इन्वेस्टर अपने प्रोजेक्ट को लेकर जुड़ रहे हैं। उन्हे जमीन से लेकर अन्य चीजों में समस्या न हो इसके लिए काम किया जा रहा है।

मध्य प्रदेश में अब गायों होगी GPS से निगरानी, बनेगी हाईटेक गौशाला, हर गाय का हेल्थ कार्ड

भोपाल मध्य प्रदेश की मोहन यादव सरकार गौ रक्षा को लेकर बेहद संवेदनशील नजर आ रही है. रोज सड़क हादसों की शिकार होती गायों को बचाने के लिए प्रदेश में हाईटेक गौशाला और गौ वनविभाग जैसे एक्शन प्लान बनाए जा रहे हैं. हाईटेक गौशाला की शुरुआत राजधानी भोपाल से होगी. जल्द ही 10 हज़ार गायों की क्षमता वाली गौशाला बनेगी राजधानी भोपाल में 10000 गायों की क्षमता वाली हाईटेक गौशाला बनाए जाने को मंजूरी मिल गई है जिसमें शुरुआत में 2000 गायों को रखा जाएगा. भोपाल के कलेक्टर कौशल्या विक्रम सिंह ने कहा कि गौशाला का काम एक महीने में पूरा कर लिया जाएगा. काऊ हेल्थ कार्ड और रन एस्केलेटर से गायों सफाई की सुविधा 10 करोड़ रुपये की लागत से बन रही हाईटेक गौशाला में गायों के हेल्थ को मॉनिटर करने के लिए हर गए का हेल्थ कार्ड बनाया जाएगा, जिसे डॉक्टर की विशेष टीम मॉनिटर करेगी, इसके अलावा हाईटेक गौशाला में रनिंग एस्केलेटर के जरिए गायों को नहलाने और उनकी साफ सफाई का काम किया जाएगा. इस गौशाला में मशीनों द्वारा पशु आहार तैयार किया जाएगा . जीपीएस के जरिए गायों के घूमने की होगी मॉनिटरिंग गौशाला में रह रही गायों के घूमने की मॉनिटरिंग जीपीएस के जरिए की जाने की योजना है ताकि जाना जा सके कि गाय गौशाला के अंदर और बाहर कितना विचरण कर रही है. भोपाल में बन रही इस गौशाला में भोपाल और आस पास के क्षेत्रों की गायों को रखा जा सकता है. गौ अभयारण्य बनाने का भी है प्लान भोपाल के साथ-साथ प्रदेश के कुछ और शहरों में इसी तरह की हाईटेक गौशाला आने वाले दिनों में बनाई जाएगी. इसके अलावा गौ संरक्षण के लिए प्रदेश भर में 9 गौ अभयारण्य बनाने की भी सरकार की योजना है जिन जिनमें आवारा गायों के साथ-साथ ऐसी गायों को भी रखा जाएगा जो दुधारू नहीं है.

ट्रंप ने अमेरिका में जासूसी से जुड़ी जिम्मेदारी के लिए तुलसी गबार्ड को चुना, US में पैदा हुईं तुलसी हिंदू और पूरी तरह शाकाहारी

वाशिंगटन अमेरिका में राष्ट्रपति चुनाव में डोनोल्ड ट्रंप को जीत हासिल हुई है। ट्रंप ने बुधवार को अपना ‘डायरेक्टर ऑफ नेशनल इंटेलिजेंस’ (DNI) चुना। उन्होंने डेमोक्रेटिक पार्टी की पूर्व सदस्य तुलसी गबार्ड को DNI बनाने का फैसला किया है। गबार्ड चार बार सांसद रह चुकी हैं और 2020 में वह राष्ट्रपति पद के चुनाव के लिए उम्मीदवार भी थीं। गबार्ड के पास पश्चिम एशिया और अफ्रीका के संघर्षग्रस्त क्षेत्रों में तीन बार तैनाती का अनुभव है। वह हाल ही में डेमोक्रेटिक पार्टी को छोड़कर रिपब्लिकन पार्टी में शामिल हुई थीं। ट्रंप ने घोषणा की, ‘मुझे यह ऐलान करते हुए काफी खुशी हो रही है कि पूर्व सांसद लेफ्टिनेंट कर्नल तुलसी गबार्ड डीएनआई के रूप में सेवाएं देंगी। दो दशकों से अधिक समय तक तुलसी ने हमारे देश और सभी अमेरिकियों की आजादी के लिए लड़ाई लड़ी है।’ उन्होंने कहा, ‘राष्ट्रपति पद के लिए डेमोक्रेटिक पार्टी की पूर्व उम्मीदवार के रूप में उन्हें दोनों दलों में व्यापक समर्थन प्राप्त है, लेकिन अब वह रिपब्लिकन पार्टी की अहम सदस्य हैं…।’ कौन हैं तुलसी तुलसी अमेरिका की पहली हिंदू महिला सांसद हैं। उन्होंने अक्सर पाकिस्तान और बांग्लादेश में हिंदुओं और अन्य अल्पसंख्यकों के खिलाफ अत्याचार की निंदा की है। गबार्ड अमेरिका में जन्मी थीं। उनकी मां ने हिंदू संस्कृति के अनुसार अपने बच्चों का पालन-पोषण किया। वह एक आजीवन शाकाहारी हैं। कांग्रेस की सदस्य होने की शपथ उन्होंने भगवद गीता पर हाथ रखकर ली। बांग्लादेश में हिंदुओं के खिलाफ उत्पीड़न का मुद्दा वह उठाती रही हैं। हिंदुओं का उठाया था मुद्दा साल 2021 में तुलसी गबार्ड ने बांग्लादेश में बार-बार अत्याचार के बाद हिंदू अल्पसंख्यकों की सुरक्षा के लिए अमेरिकी कांग्रेस में एक प्रस्ताव पेश किया। 1971 में अल्पसंख्यक समूह के खिलाफ क्रूरता के लिए उन्होंने पाकिस्तानी सेना पर हमला बोला। अपने प्रस्ताव में उन्होंने उल्लेख किया कि कैसे 50 साल पहले पाकिस्तानी सेना ने बांग्लादेश में हजारों बंगाली हिंदुओं को मार डाला, प्रताड़ित किया और उनके घरों से निकाल दिया। उन्होंने पाकिस्तान की जमीन का आतंकियों की ओर से इस्तेमाल होने का मुद्दा उठाया था।

राजस्व प्रकरणों के त्वरित निराकरण के लिए प्रदेश में फिर चलेगा विशेष अभियान

भोपाल मध्य प्रदेश के 55 जिलों की 428 तहसीलों में लंबित राजस्व प्रकरणों के निराकरण के लिए 15 नवंबर से राजस्व महा अभियान 3.0 शुरू होने जा रहा है। यह अभियान 15 दिसंबर तक चलेगा। इसमें सबसे बड़ी चुनौती नामांतरण के विवादों का निपटारा है। 428 तहसीलों में कुल दो लाख 31 हजार 595 नामांतरण के प्रकरण अब भी लंबित हैं। राजस्व न्यायालयों में मामलों के लंबित रहने की वजह से हो रहे विवादों को रोकना प्रशासन की बड़ी चुनौती रही है। राजस्व मामलों के समय सीमा में निपटारे का प्रयास विफल रहने के बाद सरकार ने महा अभियान शुरू कराए थे। 15 जनवरी से चला था पहला महा अभियान इस साल पहला महा अभियान 15 जनवरी से 15 मार्च तक चला था। इसमें 30 लाख राजस्व मामलों का निपटारा हुआ। दूसरा महा अभियान 18 जुलाई से 31 अगस्त तक चला था। उस बार 50 लाख राजस्व मामलों का निपटारा हुआ। इन दोनों अभियानों में दो लाख 71 हजार 636 नामांतरण के मामलों का निराकरण हुआ। पिछले दो महा अभियानों की सफलता के बाद मुख्यमंत्री डा. मोहन यादव ने राजस्व महा अभियान 3.0 शुरू करने का निर्देश दिया था। अब सभी जिलों के कलेक्टर और संभागायुक्तों को अभियान चलाकर लंबित राजस्व प्रकरणों का निराकरण करने के निर्देश दिए गए हैं। अब तक 18 लाख नामांतरणों का निराकरण प्रदेश की 428 तहसीलों में अब तक 18 लाख 95 हजार 239 नामांतरण के प्रकरणों का सफलतापूर्वक निराकरण किया जा चुका है। दरअसल, साइबर तहसीलों के गठन के बाद से नामांतरण की प्रक्रिया सरल हो गई है, जिसका यह परिणाम है कि अब 15 दिन में ही अधिकांश प्रकरण निराकृत हो जाते हैं। इनमें अविवादित सबसे अधिक 18 लाख 20 हजार 271 और विवादित कुल 74 हजार 968 प्रकरण शामिल हैं। मध्य प्रदेश की तहसीलों में नामांतरण के मामलों की स्थिति अविवादित नामांतरण     कुल मामले – 20,46,635     जिनका समाधान हो गया – 18,20,271     लंबित मामले – 2,26,364 विवादित नामांतरण     कुल मामले – 80,199     जिनका समाधान हो गया – 74,968     लंबित मामले – 5,231  

पीएम मोदी बिरसा मुंडा की जयंती पर शहडोल में आयोजित राष्ट्रीय जनजातीय गौरव दिवस कार्यक्रम में वर्चुअली शामिल होंगे

भोपाल प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी भगवान बिरसा मुंडा की जयंती पर शहडोल में आयोजित राष्ट्रीय जनजातीय गौरव दिवस कार्यक्रम में वर्चुअली शामिल होंगे। प्रधानमंत्री श्री मोदी छिंदवाड़ा के श्री बादल भोई जनजातीय स्वतंत्रता संग्राम सेनानी संग्रहालय एवं जबलपुर के राजा शंकर शाह और रघुनाथ शाह स्वतंत्रता संग्राम सेनानी संग्रहालय, राष्ट्र को समर्पित करेंगे। मध्यप्रदेश के राज्यपाल श्री मंगुभाई पटेल, मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव, उप मुख्यमंत्री श्री राजेन्द्र शुक्ल, जनजाति कार्य मंत्री डॉ. कुंवर विजय शाह सहित जन-प्रतिनिधि और बड़ी संख्या में जनजातीय समाज के लोग शामिल होंगे। राज्यपाल श्री पटेल और मुख्यमंत्री डॉ.यादव द्वारा शहडोल में जनजातीय गौरव दिवस शहडोल में आयोजित राज्य स्तरीय कार्यक्रम में विकास की अनेक सौगात दी जाएगी। इस दौरान 229.66 करोड़ रूपये की लागत के 76 विभिन्न विकास कार्यों का भूमि-पूजन और लोकार्पण किया जायेगा। समारोह में लोक कलाकारों द्वारा पारंपरिक लोक नृत्य गुदुम्ब, शैला, करमा, रीना की प्रस्तुतियां दी जाएगी। साथ ही समारोह स्थल पर विभिन्न विभागों की विकास प्रदर्शनी भी लगाई जायेगी। धार और धरमपुरी विधानसभा क्षेत्र के विजन डॉक्यूमेंट का विमोचन राज्यपाल श्री मंगुभाई पटेल और मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की उपस्थिति में धार के प्रधानमंत्री कॉलेज ऑफ एक्सीलेंस परिसर में दोपहर एक बजे भगवान बिरसा मुंडा जयंती पर जनजातीय गौरव दिवस मनाया जायेगा। राज्यपाल श्री पटेल और मुख्यमंत्री डॉ. यादव FRA एटलस के साथ धार और धरमपुरी विधानसभा क्षेत्र का विजन डॉक्यूमेंट का विमोचन करेंगे। कार्यक्रम में सिकल सेल उन्मूलन 2047 डाक टिकिट का विमोचन भी होगा। इस अवसर पर 334.36 करोड़ रूपए लागत के 57 विकास कार्यों भूमि-पूजन और लोकार्पण भी किया जायेगा। राज्यपाल और मुख्यमंत्री कार्यक्रम में विभिन्न योजनाओं के हितग्राहियों को हितलाभ और दिव्यांगजन को ट्राईसाइकिल वितरित की जायेगी। कार्यक्रम में जनजातीय गौरव सांस्कृतिक प्रदर्शनी एवं विभिन्न विभागों के स्टॉल भी लगाए जाएंगे।  

आम आदमी पार्टी के महेश खींची बने महापौर, बीजेपी उम्मीदवार किशनलाल को 3 वोटों से हराया

नई दिल्ली आज दिल्ली नगर निगम (एमसीडी) के महापौर और उपमहापौर पद के लिए मतदान हुए। चुनाव में भाजपा और आप के बीच कड़ी टक्कर देखने को मिली। आम आदमी पार्टी के महापौर पद के उम्मीदवार महेश खींची ने महापौर चुनाव जीत लिया है। उन्होंने बीजेपी उम्मीदवार किशनलाल को 3 वोटों से हरा दिया है। बीजेपी, कांग्रेस और आप के खाते में आए वोट आम आदमी पार्टी को कुल 143 वोट मिले। इसमें कुल 127 पार्षद वोट, 13 विधायक और 3 राज्य सभा सांसद के वोट मिले। वहीं भाजपा को कुल 122 वोट मिले। इसमें 114 पार्षद, 7 लोकसभा सांसद, 1 वोट विधायक का मिला। वहीं कांग्रेस को कुल 7 पार्षदों के वोट मिले और एक वोट निर्दलीय रहा। बीजेपी और आप के उम्मीदवार बीजेपी ने शकूरपुर वार्ड से 47 साल के किशन लाल को मेयर पद के लिए और सदातपुर वार्ड से 41 साल की नीता बिष्ट को डिप्टी मेयर पद के लिए मैदान में उतारा है। आप ने करोल बाग के देव नगर वार्ड से 45 साल के महेश कुमार खीची को मेयर पद के लिए और अमन विहार से रविंदर भारद्वाज को डिप्टी मेयर के लिए मैदान में उतारा है। पीठासीन अधिकारी और कांग्रेस का चुनाव में बहिष्कार दिल्ली के उपराज्यपाल वीके सक्सेना ने बीजेपी की पार्षद और पूर्वी दिल्ली की महापौर सत्या शर्मा को पीठासीन अधिकारी नियुक्त किया है। शर्मा इससे पहले भी दिसंबर 2022 में महापौर चुनाव की अध्यक्षता कर चुकी हैं। हालांकि इस बीच कांग्रेस के पार्षदों ने महापौर और उपमहापौर चुनाव का बहिष्कार किया था। इन लोगों ने सदन की कार्यवाई शुरू होने से पहले अपना विरोध जताया था। कांग्रेस पार्टी ने दलित मेयर के लिए प्रस्तावित छोटे कार्यकाल से असंतुष्ट होकर निगम चुनावों का बहिष्कार करने की घोषणा की थी।

देशभर में जाट समाज किसान वर्ग का महत्वपूर्ण अंग है, कोई माई लाल पैदा नहीं हुआ है जो किसान में विभाजन कर सके: उपराष्ट्रपति

पुष्कर उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़ ने 105 वें राष्ट्रीय जाट अधिवेशन में अपने सम्बोधन में किसान समुदाय को बाँटने की साजिश करने के प्रयासों पर चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि, “ कई लोग ये भी बात करे हैं, पता नहीं क्यों करे हैं। सही रास्ता नहीं है उनका, वो किसान वर्ग के ही लोग हैं कि हम तो 35 बनाम 1 कर देंगे। इस देश में कोई माई लाल पैदा नहीं हुआ है जो किसान में विभाजन कर सके।” धनखड़ ने कहा कि जाट समाज को किसान समाज का महत्वपूर्ण अंग और किसान समाज की आत्मा के समान बताते हुए उन्होंने कहा, “ जाट समाज किसान वर्ग का महत्वपूर्ण अंग है देशभर में। किसान को जातियों में बांटने की एक साजिश है ताकि एक विशेष वर्ग, और खुलकर कहूंगा , अपने [ जाटों ] को अलग कर दें। अरे कभी दिल शरीर से अलग नहीं हुआ है। पर हम तो दिल कहां है, हम तो आत्मा हैं, किसान वर्ग की आत्मा है। इस आत्मा का सृजन, इस आत्मा का संरक्षण, हमको करना है।” उन्होंने इस बात पर भी ज़ोर दिया की की जाट समाज एक किसान समाज है और उसमे भाईचारे की पहचान किसान है एवं जाट हमेशा किसान के नाम से ही जान जाता है एवं स्वयं उन्हें भी लोग किसान पुत्र के तौर पर ही जानते हैं। जाट और किसान समाज के प्रति अपनी कृतज्ञता व्यक्त करते हुए धनखड़ ने कहा, “ किसानों के लिए मेरे घर के दरवाज़े 24 घंटे खुले हैं। जिस समाज ने मुझे इस पद पर भेजा है, उस समाज का मैं सबसे पहला सेवक हूँ, उस समाज की पूजा करने में कोई कमी नहीं आएगी और मेरा संकल्प है किसान वर्ग को खंडित करने की योजना करने वाले लोगों के नापाक इरादे कभी कामयाब नहीं हो सकते। किसान वर्ग के संगठित रहने पर ज़ोर देते हुए उपराष्ट्रपति ने कहा, “ किसान वर्ग का संगठित रहना राष्ट्रवाद के लिए सबसे अच्छा है, किसान राष्ट्र का प्रतीक है, देश पर कोई भी संकट आएगा, किसान अपनी छाती पर झेलेगा। मैं जानता हूँ कुछ समस्याएं हैं, उन समस्याओं का निराकरण होना चाहिए। उसमें देरी हुई, वो हट सकती थीं। आज मैं यहां से आह्वान करता हूँ देश भर के किसानों को, पुष्कर की इस भूमि से, आपकी समस्याओं के समाधान के लिए मैं एक सिपाही हूँ। मेरे दरवाज़े चौबीसों घंटे खुले हैं, मिल बैठ कर बात करेंगे, समस्या का हल निकालेंगे, हम इस देश के हैं, यह देश हमारा है, हम वो लोग हैं, जो धरती से सोना पैदा करते हैं।” वीर तेजा जी, महाराजा सूरजमल , राजा महेंद्र प्रताप, पूजनीय नाथू राम मिर्धा जी की कीर्ति और यश का उल्लेख करते हुए उपराष्ट्रपति ने मौजूद लोगों से आग्रह किया कि वे आने वाली पीड़ी में नैतिक मूल्यों का सृजन करें और उन्हें सही रास्ता दिखाए। इसी के साथ उन्होंने अपने परिवार, कुटुंब, वातवरण का ख्याल रखने और अपने कर्तव्यों का पालन करने पर भी ज़ोर दिया। धनखड़ ने किसानों से कृषि उत्पादों के विपणन और व्यापार में भी अपनी साझेदारी बढ़ाने का आग्रह किया। उन्होंने कहा, “ किसान जो पैदा करे है, बड़ी मुश्किलों पैदा करे है। मैं के व्यापार में किसान क्यों नहीं। मेरा आग्रह है कि किसानों को बैठ कर चिंता करनी चाहिए, चिंतन करना चाहिए, मंथन करना चाहिए और जो खरबों का व्यापार है, उस चीज का व्यापार है जो उनके यहां पैदा होती है। उसका व्यापार वो खुद करे। ये बहुत बड़ा व्यापार है। इतने बड़े खजाने को हम अपने से दूर कर रहे हैं। अन्न पैदा हुआ, तुरंत बेच देते हैं। अपने बच्चों को सिखाएं कि ये व्यापार में लक्ष्मी पूरी तरह से मेहरबान है।” अपने पुष्कर दौरे के दौरान उपराष्ट्रपति ने ब्रह्मा मंदिर एवं जाट शिव मंदिर में भी दर्शन किए एवं वीर श्री तेजा जी और श्री एन.आर. मिर्धा जी की प्रतिमा पर माल्यार्पण कर श्रद्धासुमन अर्पित किए।

प्रदेश में तबादला नीति में हो सकता है बड़ा बदलाव, मंत्रियों को भी मिल सकते हैं अधिकार

भोपाल प्रदेश में दो वर्ष से तबादलों पर लगे प्रतिबंध को सरकार अभी पूरी तरह से नहीं हटाएगी। मंत्रियों को जिले के भीतर और विभाग में सीमित तबादले करने का अधिकार अवश्य दिया जा सकता है। दरअसल, अभी जितने भी तबादले हो रहे हैं, उसके लिए प्रस्ताव मुख्यमंत्री समन्वय में भेजने पड़ रहे हैं। मुख्यमंत्री की व्यस्तता के कारण प्रस्ताव काफी दिनों तक लंबित रह जाते हैं। इसका असर कामकाज पर पड़ रहा है। उधर, मुख्य सचिव अनुराग जैन ने भी तबादले के लिए पहुंची अधिकतर फाइलें वापस लौटा दी हैं। तत्कालीन शिवराज सरकार ने वर्ष 2023 के विधानसभा चुनाव को देखते हुए तबादलों पर प्रतिबंध नहीं हटाया था। चुनाव के बाद मोहन सरकार ने भी इसे जारी रखा। लोकसभा चुनाव के बाद संभावना थी कि कुछ समय के लिए प्रतिबंध हटा दिया जाएगा पर इस बारे में निर्णय लगातार टलता रहा। मंत्रियों ने पिछले दिनों अनौपचारिक चर्चा में मुख्यमंत्री डा.मोहन यादव से तबादला नीति जारी करने की बात कही तो उन्होंने दीपावली के बाद देखने का आश्वासन दिया था। सूत्रों का कहना है कि सामान्य प्रशासन विभाग ने तबादला नीति का प्रारूप तैयार करके रखा है। मुख्यमंत्री की हरी झंडी मिलते ही इसे जारी कर दिया जाएगा। चूंकि, अब परीक्षाओं का समय आ गया है, इसलिए बड़ी संख्या में तबादले करने के पक्ष में कोई नहीं है। उसके बाद भी विभागों में प्रशासनिक व्यवस्था बनाने के लिए मंत्रियों को तबादले करने के कुछ अधिकार दिए जा सकते हैं। विधानसभा सत्र के पहले दिए जा सकते हैं अधिकार लोक निर्माण विभाग के कुछ कार्यपालन यंत्री अगले माह सेवानिवृत्त हो रहे हैं, तो कुछ को एक स्थान पर पदस्थ रहते लंबा समय हो गया है। सांसद और विधायकों ने भी कुछ अधिकारियों के स्थानांतरण के प्रस्ताव मुख्यमंत्री कार्यालय को दिए हैं। इन सभी स्थितियों को देखते हुए मंत्रियों को सीमित संख्या में तबादले करने के अधिकार विधानसभा के शीतकालीन सत्र के पहले दिए जा सकते हैं।

देश में थोक मुद्रास्फीति अक्टूबर में चार महीने के उच्च स्तर 2.36 प्रतिशत पर

नई दिल्ली खाद्य उत्पादों और प्राथमिक वस्तुओं की कीमतों में तेजी के चलते थोक मूल्य सूचकांक पर आधारित मुद्रा स्फीति अक्टूबर 2024 में बढ़कर 2.36 प्रतिशत रही। सरकार द्वारा गुरुवार को जारी अक्टूबर माह के थोक मूल्य सूचकांक के अनुसार, अक्टूबर में, खाद्य उत्पादों की थोक कीमतों में सालाना आधार पर 11.59 प्रतिशत और प्राथमिक वस्तुओं की कीमतों में 1.09 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की गयी। वाणिज्यों एवं उद्योग मंत्रालय की विज्ञप्ति के अनुसार, अक्टूबर माह में ईंधन और ऊर्जा के थोक भाव पिछले साल अक्टूबर की तुलना में 5.79 प्रतिशत नीचे रहे जबकि विनिर्मित उत्पादों की थोक कीमतों में सालाना आधार पर 1.50 प्रतिशत की तेजी रही। सितंबर में थोक मुद्रा स्फीति 1.84 प्रतिशत और अगस्त में 1.25 प्रतिशत रही। सब्जियों की कीमतों में लगी आग आंकड़ों के अनुसार, खाद्य पदार्थों की मुद्रास्फीति अक्टूबर में बढ़कर 13.54 प्रतिशत हो गई, जबकि सितंबर में यह 11.53 प्रतिशत थी। इसमें सब्जियों की मुद्रास्फीति 63.04 प्रतिशत रही, जबकि सितंबर में यह 48.73 प्रतिशत थी। अक्टूबर में आलू और प्याज की मुद्रास्फीति क्रमशः 78.73 प्रतिशत और 39.25 प्रतिशत पर उच्च स्तर पर रही। ईंधन और बिजली में दिखा ये बदलाव खबर के मुताबिक, ईंधन और बिजली श्रेणी में अक्टूबर में 5. 79 प्रतिशत की अपस्फीति देखी गई, जबकि सितंबर में 4. 05 प्रतिशत की अपस्फीति थी। विनिर्मित वस्तुओं में, मुद्रास्फीति अक्टूबर में 1. 50 प्रतिशत रही, जबकि पिछले महीने यह 1 प्रतिशत थी। अक्टूबर महीने में थोक मुद्रास्फीति में लगातार दूसरे महीने वृद्धि देखी गई। अक्टूबर के स्तर से अधिक WPI पिछली बार जून 2024 में दर्ज की गई थी, जब यह 3. 43 प्रतिशत थी। खुदरा मुद्रास्फीति 14 महीने के उच्च स्तर पर वाणिज्य और उद्योग मंत्रालय ने गुरुवार को एक बयान में कहा कि अक्टूबर, 2024 में मुद्रास्फीति मुख्य रूप से खाद्य पदार्थों, खाद्य उत्पादों के निर्माण, अन्य विनिर्माण, मशीनरी और उपकरणों के निर्माण, मोटर वाहनों, ट्रेलरों और अर्ध-ट्रेलरों आदि के मूल्यों में बढ़ोतरी के चलते होगी। सप्ताह की शुरुआत में जारी उपभोक्ता मूल्य सूचकांक के आंकड़ों से पता चलता है कि खाद्य पदार्थों की कीमतों में तेज वृद्धि के साथ खुदरा मुद्रास्फीति 14 महीने के उच्च स्तर 6. 21 प्रतिशत पर पहुंच गई। यह स्तर भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) की ऊपरी सहनीय सीमा से अधिक है, जिससे दिसंबर में नीति समीक्षा बैठक में बेंचमार्क ब्याज दरों में कटौती करना मुश्किल हो सकता है।

slot server thailand super gacor

spaceman slot gacor

slot gacor 777

slot gacor

Nexus Slot Engine

bonus new member

olympus

situs slot bet 200

slot gacor

slot qris

link alternatif ceriabet

slot kamboja

slot 10 ribu

https://mediatamanews.com/

slot88 resmi

slot777

https://sandcastlefunco.com/

slot bet 100

situs judi bola

slot depo 10k

slot88

slot 777

spaceman slot pragmatic

slot bonus

slot gacor deposit pulsa

rtp slot pragmatic tertinggi hari ini

slot mahjong gacor

slot deposit 5000 tanpa potongan

mahjong

spaceman slot

https://www.deschutesjunctionpizzagrill.com/

spbo terlengkap

cmd368

368bet

roulette

ibcbet

clickbet88

clickbet88

clickbet88

bonus new member 100

slot777

https://bit.ly/m/clickbet88

https://vir.jp/clickbet88_login

https://heylink.me/daftar_clickbet88

https://lynk.id/clickbet88_slot

clickbet88

clickbet88

https://www.burgermoods.com/online-ordering/

https://www.wastenotrecycledart.com/cubes/

https://dryogipatelpi.com/contact-us/

spaceman slot gacor

ceriabet link alternatif

ceriabet rtp

ceriabet

ceriabet link alternatif

ceriabet link alternatif

ceriabet login

ceriabet login

cmd368

sicbo online live

Ceriabet Login

Ceriabet

Ceriabet

Ceriabet

Ceriabet

casino online

clickbet88

login kudahoki88

Ceriabet

Ceriabet

Ceriabet

slot olympus

sbobet

slot thailand

sbobet