LATEST NEWS

रकुल प्रीत सिंह की फिल्म ‘दे दे प्यार दे 2’ के पटियाला शैड्यूल की शूटिंग पूरी हुयी

मुंबई, बॉलीवुड अभिनेत्री रकुल प्रीत सिंह की आने वाली फिल्म ‘दे दे प्यार दे 2’ के पटियाला शैड्यूल की शूटिंग पूरी हो गयी है। वर्ष 2019 में अजय देवगन,रकुल प्रीत सिंह और तब्बू की फिल्म ‘दे दे प्यार दे’ प्रदर्शित हुयी थी। इस फिल्म को लोगों का जबरदस्त रिस्पॉन्स मिला था। अब इसका सीक्वल दे दे प्यार दे 2 बनाया जा रहा है। दे दे प्यार दे 2 में अजय देवगन, रकुल प्रीत सिंह और आर माधवन की मुख्य भूमिका है।रकुल प्रीत सिंह ने फिल्म दे दे प्यार दे को लेकर अहम जानकारी सोशल मीडिया पर शेयर की है।उन्होंने फिल्म दे दे प्यार दे 2 के पटियाला शेड्यूल के खत्म होने की खुशखबरी सोशल मीडिया पर शेयर की है और साथ ही एक खास नोट भी लिखा है। रकुल प्रीत सिंह ने फिल्म दे दे प्यार दे 2 को लेकर अपनी खुशी इंस्टाग्राम की स्टोरी पर शेयर करते हुए एक तस्वीर शेयर की है, जिसमें उनके साथ क्रू के कई लोग नजर आ रहे हैं। इस खास तस्वीर के साथ रकुल ने लिखा, इसके साथ ही हमने दे दे प्यार दे 2 का पटियाला शेड्यूल पूरा कर लिया है। यह महीना बहुत अच्छा और संतोष देने वाला रहा। हां, ठंड बहुत थी और काम भी खूब था, लेकिन मेरी टीम ने मेरी मदद की और सब आसानी से हो गया। मैं चाहती हूं कि आप सब फिल्म देखें और उम्मीद है कि आपको आयशा का किरदार फिर से पसंद आएगा।  

मेड इन इंडिया-ए टाइटन स्टोरी’ नाम से बनाई जा रही वेब सीरीज, जेआरडी टाटा बने नसीरुद्दीन शाह

मुंबई भारत के सबसे मशहूर और सम्मानित बिजनेसमैन में से एक रहे जेआरडी टाटा की पूरी कहानी अब एक सीरीज के रूप में देखने को मिलेगी। टाटा ग्रुप को भारत की सबसे प्रतिष्ठित कंपनियों में से एक बनाने वाले जेआरडी टाटा यानी जहांगीर रतनजी दादाभाई टाटा की जिंदगी पर ‘मेड इन इंडिया-ए टाइटन स्टोरी’ नाम से वेब सीरीज बनाई जा रही है। इस वेब सीरीज में दिग्गज एक्टर नसीरुद्दीन शाह, जेआरडी टाटा का किरदार निभाएंगे। ‘दैनिक भास्कर’ की रिपोर्ट के मुताबिक, ‘मेड इंन इंडिया-ए टाइटन स्टोरी’ में जेआरडी टाटा के रोल के लिए अनुपम खेर, कबीर बेदी, डैनी डेंग्जोपा, डेंजिल स्मिथ और सुरेश ओबेरॉय जैसे कई एक्टर्स रेस में थे। इनके नाम भी अमेजन एमएक्स प्लेयर को भेजे गए थे, पर नसीरुद्दीन शाह का नाम फाइनल किया गया है। क्या होगी ‘मेड इन इंडिया-ए टाइटन स्टोरी’ की कहानी ‘मेड इंन इंडिया-ए टाइटन स्टोरी’ में टाइटन ब्रांड के बनने की कहानी और जेआरडी टाटा की उपलब्धियों को दिखाया जाएगा। लेकिन जर्क्सेस देसाई की कहानी भी दिखाई जाएगी, जिन्होंने टाइटन घड़ियों और तनिष्क जैसे ब्रांड की नींव रखी थी। चूंकि जर्कसिस देसाई पारसी थे, इसलिए वेब सीरीज में उनका किरदार एक पारसी कलाकार निभाएगा। जर्कसिस देसाई के रोल के लिए जिम सर्भ को फाइनल किया गया है। 75 के एज ग्रुप चाहिए था कलाकार, नसीरुद्दीन शाह और जिम सर्भ फाइनल रिपोर्ट के मुताबिक, ओटीटी कंपनी अमेजन एमएक्स प्लेयर चाहती थी कि जेआरडी टाटा वेब सीरीज में 75 के ऐज ग्रुप में दिखाया जाए। इसलिए एक ऐसे कलाकार की तलाश थी, जो न सिर्फ उस एज ग्रुप का हो, बल्कि किरदार के साथ न्याय भी कर सके। लीड रोल में जहां नसीरुद्दीन शाह और जिम सर्भ को कास्ट किया जा चुका है। सबसे पहले जिम सर्भ को साइन किया गया था। नमिता दुबे का अहम रोल, इन एक्ट्रेसेस ने भी दिए थे ऑडिशन वहीं जर्कसिस देसाई की पत्नी रजनी के रोल में नमिता दुबे नजर आएंगी। रिपोर्ट के मुताबिक, रजनी के रोल के लिए मेकर्स ने प्राजक्ता माली, गिरिजा ओक, सोनाली कुलकर्णी, मानसी पारेख, सलोनी बत्रा और रिद्धिमा पंडित तक का ऑडिशन लिया। लेकिन नमिता दुबे को फाइनल किया गया। मेकर्स को इस रोल के लिए ऐसी एक्ट्रेस चाहिए थी, जो गुजराती लगने के साथ ही गोरी-चिट्टी भी हो। 6 पार्ट में बनेगी ‘मेड इंडिया-ए टाइटन स्टोरी’ ‘मेड इंडिया-ए टाइटन स्टोरी’ 6 पार्ट में बनेगी, और यह विनय कामथ की लिखी किताब Titan: Inside India’s Most Successful Consumer Brand पर आधारित है। 1980 के दशक में सेट इस वेब सीरीज में दिखाया जाएगा कैसे जेआरडी टाटा और जर्क्सेस देसाई ने मुश्किल वक्त में एक साथ कड़ी मेहनत करके अपने क्रांतिकारी उत्पादों से बड़ा साम्राज्य खड़ा किया था। कुछ हफ्ते पहले ही इस वेब सीरीज का ऐलान करते हुए एक ट्रेलर रिलीज किया गया था।

कर्टनी कार्दशियन के 15 साल के बेटे को लेकर उड़ रही अफवाहों पर दिया करारा जवाब

  लॉस एंजिल्स किम कार्दशियन की बहन कर्टनी कार्दशियन के 15 साल के बेटे को लेकर पिछले कुछ समय से काफी चर्चा है। सोशल मीडिया पर इसे लेकर कई सारे मीम्स चल रहे हैं कि कर्टनी कार्दशियन का केवल 15 साल का बेटा Mason Disick एक बच्चे का पिता है। अब मां ने इन अफवाहों पर चुप्पी तोड़ी है और ऐसी बात करने वालों को करारा जवाब दिया है। उन्होंने अपने बेटे मेसन डिस्किक के बारे में चल रही अफवाहों पर लताड़ लगाते हुए हाल ही में इंस्टाग्राम स्टोरीज पर इन खबरों को गलत बताया है। उन्होंने कहा- उनके 15 वर्षीय बेटे के पिता बनने की अटकलें पूरी तरह से गलत हैं और अटकलें साफ झूठी हैं। कर्टनी ने लिखा है कि मेसन का कोई बच्चा नहीं उन्होंने लिखा है, ‘मैं शायद ही कभी अपने या अपने परिवार के बारे में अफवाहों या साजिशों पर बात करती हूं, लेकिन ये मेरे बच्चे के बारे में है और किसी को भी एक पल के लिए भी ये सोचने देना गलत होगा कि ये सच हैं। ये खबरें सच नहीं हैं।’ कर्टनी ने लिखा है कि मेसन का कोई बच्चा नहीं है। मेसन के नाम से फर्जी सोशल मीडिया अकाउंट्स उन्होंने ये भी कहा कि मेसन के नाम से फर्जी सोशल मीडिया अकाउंट्स बनाया गया है। कर्टनी ने कहा कि उनके बेटे की कोई पब्लिक प्रोफाइल नहीं है और फैन्स से आग्रह किया कि वे ऑनलाइन जो कुछ भी देखते हैं, उस पर भरोसा न करें। मेसन के पिता स्कॉट डिस्किक ने भी कही ये बात वहीं मेसन के पिता स्कॉट डिस्किक ने भी मेसन के टीनेज पर बात की है। PEOPLE से बातचीत में उन्होंने कहा है, ‘ मेसन अगर किसी परेशानी से गुजर रहा है तो मैं उससे अपने जीवन के बारे में बात करता हूं। जैसे कि मैंने जो गलतियां की हैं, मैंने क्या किया है और मेरे लिए क्या कारगर रहा है, मेरे लिए क्या कारगर नहीं रहा है, इन बारे में।’

कियारा आडवाणी की फिल्म ‘गिल्टी’ के प्रदर्शन के पांच साल पूरे

मुंबई,  बॉलीवुड अभिनेत्री कियारा आडवाणी की फिल्म गिल्टी के प्रदर्शन के पांच साल पूरे हो गये हैं। करण जौहर और अपूर्व मेहता निर्मित और रूचि नारायण निर्देशित फिल्म गिल्टी 06 मार्च 2000 को नेटफ्लिक्स पर रिलीज हुयी थी। फिल्म गिल्टी के प्रदर्शन के पांच साल पूरे हो गये हैं। यह फिल्म उस दौर में आई जब ओटीटी प्लेटफॉर्म्स तेजी से विकसित हो रहे थे। लॉकडाउन से ठीक पहले रिलीज़ हुई इस फिल्म ने अपने दमदार कथानक, कियारा के मजबूत अभिनय और बोल्ड स्टोरीटेलिंग के लिए जबरदस्त सराहना बटोरी। यह उन पहली बड़ी परियोजनाओं में से एक थी, जिसने डिजिटल-फर्स्ट अप्रोच को अपनाया, यह साबित करते हुए कि स्ट्रीमिंग प्लेटफॉर्म्स पर भी दमदार और उच्च-स्तरीय सिनेमा प्रस्तुत किया जा सकता है। गिल्टी एक ताज़ा, साहसी और सामाजिक रूप से प्रासंगिक फिल्म के रूप में आई, जिसने यौन शोषण जैसे संवेदनशील मुद्दों पर चर्चा छेड़ दी। कियारा द्वारा निभाया गया नांकी दत्ता का किरदार,एक विद्रोही लेकिन भावनात्मक रूप से संवेदनशील युवती का था ,जो दर्शकों को खूब पसंद आया। इस फिल्म ने कियारा की क्षमता को साबित किया कि वह आसानी से गहन और परफॉर्मेंस-ड्रिवन भूमिकाएँ निभा सकती हैं। उस समय जब डिजिटल प्लेटफॉर्म्स ओरिजिनल कंटेंट को लेकर प्रयोग कर रहे थे, गिल्टी ने स्टार-लैड ओटीटी फिल्मों के लिए एक बेंचमार्क स्थापित किया। यह फिल्म न केवल दर्शकों को जोड़ने में सफल रही, बल्कि सामाजिक रूप से महत्वपूर्ण मुद्दों पर चर्चा भी शुरू करवाई। इसने प्रभावशाली स्टोरीटेलिंग का एक ऐसा मानक स्थापित किया, जो बाद में ओटीटी युग में एक सामान्य प्रवृत्ति बन गई। कियारा इस समय अपने कुछ सबसे बड़े प्रोजेक्ट्स की तैयारी कर रही हैं, जिनमें वॉर 2 (ऋतिक रोशन और जूनियर एनटीआर के साथ) और टॉक्सिक (यश के साथ उनकी पहली पैन-वर्ल्ड फिल्म) शामिल हैं।  

‘खाकी: द बंगाल चैप्टर’ में नजर आ सकते हैं सौरव गांगुली

मुंबई भारतीय क्रिकेट टीम के पूर्व कप्तान सौरव गांगुली जल्द ही ओटीटी प्लेटफॉर्म पर दिखाई दे सकते हैं. खबर है कि वह जल्द ही फिल्म निर्माता नीरज पांडे की वेब सीरीज ‘खाकी: द बंगाल चैप्टर’ में एक कैमियो रोल में नजर आ सकते हैं. दरअसल, सौरव गांगुली की पुलिस की वर्दी में एक तस्वीर सामने आई है. सामने आए फोटो में सौरव गांगुली एक कुर्सी पर बैठे हुए हैं और मुस्कुरा रहे हैं. काफी समय से उनकी बायोपिक को लेकर खबरें आ रही हैं. सौरव गांगुली  के वायरल फोटो पर लोग रिएक्ट भी कर रहे हैं. कुछ लोगों का ऐसा मानना है कि सौरव गांगुली खाकी 2 का हिस्सा हो सकते हैं. नेटफ्लिक्स के इस शो का नया सीजन राजनीति, अंतर-गिरोह प्रतिद्वंद्विता और पुलिस प्रणाली की एक स्तरीय कहानी है. एक लॉन्च इवेंट में बोलते हुए शो के निर्माता नीरज पांडे ने बताया कि, “खाकी की दुनिया हमेशा से ही बड़े-से-बड़े संघर्षों, उच्च-दांव वाले नाटक और सूक्ष्म पात्रों के बारे में रही है जो अच्छे और बुरे के बीच की रेखाओं को फिर से परिभाषित करते हैं. ‘खाकी: द बंगाल चैप्टर’ के साथ, हम इस तीव्रता को एक नए स्तर पर ले जाते हैं. कोलकाता की ज्वलंत पृष्ठभूमि पर आधारित, यह अध्याय सत्ता संघर्षों को दर्शाता है और एक अथक आईपीएस अधिकारी का अनुसरण करता है, जो सिस्टम को चुनौती देने का साहस करता है.” उन्होंने कहा कि पूरे कलाकारों ने बेहतरीन अभिनय किया है, जिससे यह सुनिश्चित हुआ है कि ‘खाकी: द बंगाल चैप्टर’ प्रिय कथा का एक नया रूप है. निर्देशक तुषार और देबात्मा दोनों ने पूरी टीम के साथ मिलकर इस कथा को जीवंत करने के लिए अथक परिश्रम किया है और हमें उम्मीद है कि यह दर्शकों को आकर्षित करेगी. कोलकाता में बड़े पैमाने पर फिल्मांकन करते हुए, यहां ट्रेलर का अनावरण करना और दर्शकों की उत्साही प्रतिक्रियाओं को देखना अविश्वसनीय रूप से फायदेमंद लगता है.

ग्वालियर किला अब निजी हाथों में, इंडिगो एयरलाइंस से 5 साल का करार

Gwalior Fort is now in private hands, 5 year agreement with Indigo Airlines Gwalior Fort: नरेंद्र कुइया. लियर के किले को अब निजी हाथों में देने की तैयारी है। इसके लिए भोपाल में ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट में पर्यटन-संस्कृति विभाग ने इंटरग्लोब एविएशन लिमिटेड (इंडिगो एयरलाइंस) के साथ एमओयू किया है। इसमें आगा खान कल्चरल सर्विसेज फोरम (एकेसीएसएफ) को शामिल किया है। अभी 5 साल के करार में किले के संरक्षण और सौंदर्यीकरण होगा। बाद में पांच साल और बढ़ेगा। इसकी फंडिंग इंडिगो एयरलाइंस करेगी, एकेसीएसएफ संरक्षण करेगी। इनके संरक्षण का कार्य भी वे ही करते हैं। ग्वालियर दुर्ग पर एमओयू (MOU) के बाद की प्रक्रिया शुरू करने से पहले मप्र टूरिज्म(MP Tourism), इंडिगो एयरलाइंस (Indigo Airlines) और एकेसीएसएफ की 100 लोगों की टीम 7 मार्च को शाम 4 बजे किले पर पहुंचेगी। संरक्षण कार्य तो पहले से हो रहाइस एमओयू में ग्वालियर किले के वि₹म महल, कर्ण महल, गूजरी महल, जहांगीर महल, शाहजहां महल, हुमायू महल और जौहर कुंड सहित कई ऐतिहासिक संरचनाओं के दस्तावेजीकरण और संरक्षण करने की बात कही गई है। जबकि राज्य पुरातत्व विभाग की ओर से संरक्षित स्मारकों के संरक्षण का कार्य पूर्व में भी किया गया है और वर्तमान में भी किया जा रहा है। राज्य पुरातत्व विभाग ने 2016-17 में करीब एक से डेढ़ करोड़ रुपए खर्च कर यहां संरक्षण कार्य किए थे। वहीं अब यहां लगभग 75 लाख रुपए से अधिक खर्च कर रिनोवेशन कार्य किए जा रहे हैं। साथ ही यहां पाथवे का निर्माण कार्य भी जारी है। ऐसे में निजी कंपनी से संरक्षण कार्य कराने की क्या जरूरत आन पड़ी है। एमओयू में ऐसे तथ्य● ग्वालियर किला कंजर्वेशन और इल्यूमिनेशन परियोजना बहुआयामी प्रयास।● पर्यटकों के लिए सुविधाजनक पहुंच मार्ग, सुविधाओं का विस्तार।● मौजूदा स्थानों का उपयोग कर कैफे व प्रदर्शनी स्थलों का विकास। तब विरोध पर रुका था होटल निर्माणग्वालियर किले पर बनी भीमसिंह राणा की छत्री पर शासन ने 2022-23 में होटल की योजना बनाई थी। जाट समाज के विरोध के बाद योजना ठंडे बस्ते में चली गई थी। श्योपुर का किला, बलदेवगढ़ का किला, दतिया का राजगढ़ पैलेस राज्य पुरातत्व विभाग से असंरक्षित कर पर्यटन निगम को दिए थे। 50 लाख रुपए मासिक आयग्वालियर किले पर 50 लाख रु. मासिक आय ग्वालियर दुर्ग पर बने केंद्र-राज्य पुरातत्व विभाग के स्मारकों को देखने विदेशों से सैलानी आते हैं। मासिक आय 50 लाख तक है। विशेष दिनों में यह बढ़ जाती है। संरक्षण कार्य तो पहले से हो रहाइस एमओयू में ग्वालियर किले के विक्रम महल, कर्ण महल, गूजरी महल, जहांगीर महल, शाहजहां महल, हुमायू महल और जौहर कुंड सहित कई ऐतिहासिक संरचनाओं के दस्तावेजीकरण और संरक्षण करने की बात कही गई है। जबकि राज्य पुरातत्व विभाग की ओर से संरक्षित स्मारकों के संरक्षण का कार्य पूर्व में भी किया गया है और वर्तमान में भी किया जा रहा है। राज्य पुरातत्व विभाग ने 2016-17 में करीब एक से डेढ़ करोड़ रुपए खर्च कर यहां संरक्षण कार्य किए थे। वहीं अब यहां लगभग 75 लाख रुपए से अधिक खर्च कर रिनोवेशन कार्य किए जा रहे हैं। साथ ही यहां पाथवे का निर्माण कार्य भी जारी है। ऐसे में निजी कंपनी से संरक्षण कार्य कराने की क्या जरूरत आन पड़ी है। ऐसे काम पहले भी हो चुके हैंनिजी कंपनियों को पुरातत्व संरक्षित स्मारकों की जानकारी नहीं होती। वे धरोहरों का संरक्षण कार्य कैसे कर सकती हैं। ऐसे काम पहले भी हो चुके हैं। ये सब मिलीभगत से होते हैं।

ऐसे फल और सब्जियां जो खुद बताते हैं कि मैं किस चीज के लिए फायदेमंद हूं…

Fruits and vegetables that tell me what they are good for… हमारी प्रकृति हमें वो सब कुछ देती है जिसकी हमारे शरीर को जरूरत होती है। लेकिन क्या आपने कभी सोचा है कि कुछ फल और सब्जियां अपने आकार और बनावट से यह संकेत देती हैं कि वे हमारे शरीर के किस अंग के लिए फायदेमंद हो सकती हैं? प्रकृति ने हमें जो भी दिया है, वह किसी न किसी रूप में हमारे शरीर के लिए लाभकारी है। जरूरत है तो बस इसे सही तरीके से समझने और अपने आहार में शामिल करने की!

रतलाम: शिक्षा विभाग में भ्रष्टाचार का एक और मामला उजागर, टीचर ने छात्रा से मांगे 50 हजार रुपये

Ratlam: Another case of corruption exposed in the education department, teacher demanded 50 thousand rupees from a student रतलाम! मध्यप्रदेश के रतलाम जिले में शिक्षा विभाग से जुड़ा एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है। जिले के आलोट क्षेत्र में स्थित न्यू आर्यवीर सीनियर सेकंडरी स्कूल के एक शिक्षक प्रदीप सिंह को 12वीं कक्षा की एक छात्रा से 50 हजार रुपये मांगने के आरोप में गिरफ्तार किया गया है। पुलिस ने आरोपी टीचर को कोर्ट में पेश किया, जहां से उसे 6 मार्च तक पुलिस रिमांड पर भेज दिया गया है। प्रैक्टिकल का रिजल्ट बिगाड़ने की धमकी आरोप के अनुसार, शिक्षक प्रदीप सिंह ने छात्रा को धमकाया कि अगर उसने पैसे नहीं दिए, तो उसका प्रैक्टिकल परीक्षा का रिजल्ट खराब कर दिया जाएगा और उसका भविष्य बर्बाद हो जाएगा। इतना ही नहीं, आरोपी शिक्षक ने कथित रूप से छात्रा को उसके माता-पिता की जान से मारने की धमकी भी दी। छात्रा के परिजनों की शिकायत पर कार्रवाई पीड़िता की शिकायत के बाद परिजनों ने पुलिस में रिपोर्ट दर्ज कराई। शिकायत के अनुसार, एक मार्च को छात्रा स्कूल की एक्सट्रा क्लास में गई थी, जहां टीचर प्रदीप सिंह ने उसे अलग बुलाकर पैसे लाने के लिए धमकाया। जब छात्रा ने घर आकर अपने माता-पिता से 50 हजार रुपये मांगे, तो उन्होंने कारण पूछा, जिस पर छात्रा ने पूरा मामला उजागर कर दिया। इसके बाद परिजनों ने तुरंत पुलिस से संपर्क किया। पुलिस जांच में जुटी शिकायत दर्ज होने के बाद पुलिस ने तत्काल कार्रवाई करते हुए आरोपी शिक्षक को गिरफ्तार कर लिया और उससे पूछताछ कर रही है। प्रारंभिक जांच में आरोपी पर लगे आरोप सही पाए गए हैं। पुलिस यह भी जांच कर रही है कि क्या आरोपी पहले भी इस तरह की हरकतों में शामिल रहा है। शिक्षा विभाग पर उठे सवाल इस घटना ने शिक्षा विभाग की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। एक शिक्षक, जो बच्चों को सही दिशा देने के लिए जिम्मेदार होता है, अगर इस तरह के अपराध में लिप्त पाया जाता है, तो यह पूरे शिक्षा तंत्र के लिए एक चिंता का विषय बन जाता है। इस मामले के उजागर होने के बाद अभिभावकों में भी भय और आक्रोश है। पुलिस जल्द ही पूरे मामले की विस्तृत रिपोर्ट पेश करेगी और आरोपी शिक्षक के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की संभावना जताई जा रही है।

एमपी गजब : बीईओ-क्लर्क ने मिल कर शिक्षा विभाग को लगाया 5 करोड़ का चुना: शिक्षकों का वेतन रिश्तेदारों के खातों में डाला, प्राचार्यों की मिलीभगत से फर्जीवाड़ा

MP Amazing: BEO-Clerk together defrauded the Education Department of Rs 5 crore: Teachers’ salaries were transferred to the accounts of relatives, fraud was committed in connivance with the principals भोपाल (कमलेश)। मध्यप्रदेश में शिक्षा विभाग के कर्मचारी भ्रष्टाचार करने के लिए पत्नियों और रिश्तेदारों के बैंक खातों का इस्तेमाल कर रहे हैं। इसका खुलासा शिक्षा विभाग की ही जांच में हुआ है। पिछले महीने रायसेन के सिलवानी बीईओ दफ्तर में 1 करोड़ के गबन के मामले में 26 लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई। इनमें शिक्षा विभाग के कर्मचारी, प्राचार्य और रिटायर्ड प्राचार्य शामिल हैं। इनके अलावा जिन 12 लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है, वो इन कर्मचारियों की पत्नियां और रिश्तेदार हैं। ये एकलौता मामला नहीं है। 5 अन्य जिलों में भी गबन के ऐसे ही मामले सामने आए हैं, जिनमें पत्नियों और रिश्तेदारों के अकाउंट में भ्रष्टाचार की करीब 5 करोड़ की रकम ट्रांसफर की गई। 10 मार्च से शुरू हो रहे विधानसभा के बजट सत्र में भी ये मामला उठ सकता है। आखिर किस तरह पत्नी और रिश्तेदारों के खातों से किया गया भ्रष्टाचार और इन मामलों में क्या एक्शन लिया गया, पढ़िए रिपोर्ट… अब जानिए, कैसे किया एक करोड़ का गबन रायसेन के जिला शिक्षा अधिकारी डीडी रजक के मुताबिक, ये पूरा हेरफेर साल 2018 से 2022 के बीच किया गया। सिलवानी विकासखंड शिक्षा अधिकारी कार्यालय में पदस्थ क्लर्क चंदन अहिरवार इस गबन का मास्टरमाइंड है। चंदन के पास विकासखंड के अंतर्गत आने वाले हर स्कूल के शिक्षक की बैंक अकाउंट डिटेल होती थी। रजक बताते हैं कि 2022 तक शिक्षक और अतिथि शिक्षकों की सैलरी का भुगतान वेंडर के जरिए होता था। तब ऑफलाइन ट्रांजेक्शन भी हो जाता था। इसी का फायदा आरोपियों ने उठाया है। चंदन शिक्षक और अतिथि शिक्षकों के नाम के आगे अपने रिश्तेदार या पत्नी का बैंक अकाउंट दर्ज कर वेतन और मानदेय की राशि ट्रांसफर करता था। उसने पत्नी सुमन अहिरवार के बैंक अकाउंट में 37 लाख रुपए जमा कराए। इसी तरह इस गबन में शामिल बाकी लोगों ने भी करीब 58 लाख रुपए की रकम पत्नियों और रिश्तेदारों के अकाउंट में जमा कराई। प्राचार्यों की भी मिलीभगत, 3 रिटायर हो चुकेजिला शिक्षा अधिकारी डीडी रजक बताते हैं कि सरकार ने पहले स्कूल के प्राचार्यों को ही डीडीओ (आहरण एवं संवितरण) के अधिकार दिए थे। ऐसा इसलिए किया गया क्योंकि शिक्षकों को सैलरी के लिए संकुल कार्यालय पहुंचना पड़ता था। मगर, शिक्षा विभाग के कर्मचारी और प्राचार्यों ने मिलीभगत कर इस व्यवस्था को पलीता लगाया। रजक के मुताबिक, इस दौरान पांच स्कूलों के प्राचार्यों को डीडीओ की जिम्मेदारी दी गई थी। इनके साइन से ही रिश्तेदारों के खातों में ये राशि पहुंचाई गई। इसमें इनकी बराबर की भागीदारी है। गड़बड़ी सामने आने के बाद विभागीय स्तर पर जांच की गई तो इनके खिलाफ भी एफआईआर दर्ज कराई गई है। अब जानिए, कैसे किया पूरा गबन पासवर्ड बांट दिया: नियमों के मुताबिक, डीडीओ अपना पासवर्ड किसी को साझा नहीं कर सकता। जांच में पाया गया कि डीडीओ ने अपना पासवर्ड कर्मचारियों को दे दिया। इसका इस्तेमाल कर कोषालय से पैसा निकाला गया। महीने की समीक्षा नहीं हुई: नियमानुसार हर महीने भुगतान की समीक्षा करना जरूरी है, ताकि गड़बड़ियों का पता लगाया जा सके। सिलवानी बीईओ दफ्तर में ये प्रक्रिया नहीं अपनाई गई। इससे ये पता नहीं चला कि सही व्यक्ति के खाते में पैसा पहुंचा या नहीं। ई-भुगतान का सत्यापन नहीं: हर महीने ये जांच होना चाहिए कि जो भी ऑनलाइन भुगतान किए हैं, वो सही बैंक अकाउंट में पहुंचे या नहीं। यहां इस प्रक्रिया का पालन नहीं हुआ। असली दावेदारों का नाम गायब किया: जब किसी व्यक्ति को भुगतान किया जाता है, तो उसका नाम और बैंक खाता सरकारी डेटाबेस में दर्ज करना जरूरी होता है। जांच में पाया गया कि इस प्रक्रिया को भी नहीं अपनाया गया। बिल तैयार करने में लापरवाही: कोषालय संहिता 2020 के नियमों के अनुसार, बिल (देयक) बनाने की जिम्मेदारी क्रिएटर की होती है। उसे सॉफ्टवेयर में अपने पासवर्ड से लॉगिन कर भुगतान लेने वाले व्यक्ति का नाम, बैंक खाता नंबर दर्ज करना होता है। अप्रूवर इस बिल की जांच कर कोषालय में जमा करता है। जांच में पाया गया कि इस प्रक्रिया का सही तरीके से पालन नहीं किया गया। स्वीकृति आदेश में अनियमितता: जब किसी भुगतान को स्वीकृत किया जाता है, तो उसके साथ स्वीकृति आदेश (Approval Order) संलग्न किया जाता है। लेकिन जांच में पाया गया कि कई मामलों में अलग-अलग भुगतान के लिए एक ही स्वीकृति आदेश का उपयोग किया गया। इसके अलावा, कई अधूरे स्वीकृति आदेश भी जारी किए गए और कुछ मामलों में आदेश अटैच ही नहीं किए गए। ऐसे पांच और मामलों की जांच की जा रही है रायसेन का ये अकेला मामला नहीं है। पिछले दो साल में गबन के ऐसे 5 और मामले हैं, जिनकी विभागीय जांच की जा रही है। इनमें भी विभागीय अधिकारी, शिक्षक और कर्मचारियों की मिलीभगत पाई गई है। छिंदवाड़ा: रिश्तेदार-पत्नी और बहन के खातों में 1 करोड़ 32 लाख ट्रांसफर छिंदवाड़ा जिले के जुन्नारदेव शिक्षा अधिकारी कार्यालय में 1.32 करोड़ रुपए के गबन का खुलासा जुलाई 2024 में हुआ था। जबलपुर वित्त विभाग की टीम ने सात दिन की जांच के बाद यह फर्जीवाड़ा पकड़ा। इस मामले में पूर्व बीईओ एमआई खान और चौरई संकुल के बाबू तौसिफ खान की मिलीभगत पाई गई। आरोपियों ने कोरोना में मृत कर्मचारियों की सहायता राशि भी हड़प ली और सरकारी धन को अपने रिश्तेदारों के खातों में ट्रांसफर किया गया। वित्त विभाग की टीम को जुन्नारदेव में तकरीबन 1 करोड़ 44 लाख के घोटाले की आशंका थी। इसमें से 1 करोड़ 32 लाख की पुष्टि हो चुकी है। क्या हुआ: जिला शिक्षा अधिकारी गोपाल सिंह बघेल ने बताया कि आरोपियों पर एफआईआर दर्ज की जा चुकी है। सभी को निलंबित कर दिया है। उनसे राशि वसूल करने की प्रक्रिया जारी है। ग्वालियर: अलग-अलग खातों में 47 लाख ट्रांसफर ग्वालियर के विकासखंड शिक्षा अधिकारी (बीईओ) कार्यालय डबरा में 2024 में 47 लाख रुपए के गबन का मामला सामने आया था। इस गड़बड़ी को भोपाल की ऑडिट टीम ने पकड़ा था। यह राशि सात अलग-अलग खातों में ट्रांसफर की गई, जिनमें तत्कालीन … Read more

मशहूर गायिका कल्पना राघवेंद्र ने नींद की गोलियां खाकर की आत्महत्या की कोशिश

मुंबई एंटरटेनमेंट इंडस्ट्री की जानी-मानी प्लेबैक सिंगर और सॉन्गराइटर कल्पना राघवेंद्र को लेकर शॉकिंग खबर सामने आई है. सिंगर ने मंगलवार देर रात को अपने घर में नींद की गोलियां खाकर आत्महत्या करने की कोशिश की, जिसके बाद उन्हें तुरंत अस्पताल में भर्ती कराया गया. फिलहाल हैदराबाद के प्राइवेट अस्पताल में उनका इलाज चल रहा है. सिंगर ने की आत्महत्या की कोशिश न्यूज एजेंसी की रिपोर्ट के मुताबिक, पुलिस ने बताया कि कल्पना ने अपने घर पर ही सुसाइड करने की कोशिश की थी. सिंगर की सिक्योरिटी के मुताबिक, उनका घर दो दिनों से खुला नहीं था, जिसके बाद एसोसिएशन के सदस्यों को सूचित किया गया था. रेजिडेंट्स एसोसिएशन ने कल्पना के बारे में पुलिस को जानकारी दी, तब पुलिस ने दरवाजा तोड़कर सिंगर के घर में एंट्री की. पुलिस को कल्पना बेहोशी की हालत में मिली थीं, जिसके बाद उन्हें प्राइवेट अस्पताल में भर्ती कराया गया. फिलहाल उनका इलाज चल रहा है. अभी तक इस बात का पता नहीं चल पाया है कि सिंगर के आत्महत्या की कोशिश करने के पीछे कारण क्या है? हालांकि, केपीएचबी पुलिस ने मामला दर्ज करके मामले की जांच शुरू कर दी है. अब कैसी है सिंगर की हालत? रिपोर्ट्स में बताया जा रहा है कि सिंगर की हालत अब स्थिर है और वो फिलहाल वेंटिलेटर सपोर्ट पर हैं. बताया जा रहा है कि सिंगर ने जब सुसाइड करने की कोशिश की तब उनके पति घर पर नहीं थे, बल्कि वो चेन्नई में थी. मल्टीटेलेंटेड हैं कल्पना राघवेंद्र कल्पना राघवेंद्र एक इंडियन प्लेबैक सिंगर हैं. साउथ म्यूजिक इंडस्ट्री में उनका बड़ा नाम है. उन्होंने साल 2010 में रियलिटी शो स्टार सिंगर मलयालम जीता था. कल्पना के पिता टी.एस. राघवेंद्र भी एक प्लैबैक सिंगर थे, जिन्होंने मुख्य रूप से तमिल सिनेमा में काम किया था. कल्पना की बात करें तो उन्होंने 5 साल की छोटी उम्र में अपना सिंगिंग करियर शुरू किया था. उन्होंने साल 2013 तक करीब 1,500 ट्रैक रिकॉर्ड कर लिए थे. देश-विदेश में मिलाकर उन्होंने 3000 से ज्यादा स्टेज शो किए हैं. पिछले कुछ सालों में उन्होंने कई दिग्गज संगीतकारों के साथ काम किया है, जिनमें इलैयाराजा और एआर रहमान जैसे दिग्गज शामिल हैं. कल्पना मल्टीटेलेंटेड हैं. वो सिंगर होने के साथ म्यूजिक कंपोजर, सॉन्ग राइटर और डबिंग आर्टिस्ट भी हैं. वो एक्टिंग में भी कमाल कर चुकी हैं. साल 1986 में वो साउथ सुपरस्टार कमल हासन स्टारर फिल्म ‘पुन्नगई मन्नान’ में भी एक छोटी सी भूमिका में दिखाई दी थीं. कल्पना बिग बॉस तेलुगू के पहले सीजन की भी कंटेस्टेंट रह चुकी हैं.

कन्नड़ अभिनेत्री रान्या राव को दुबई से 12 करोड़ रुपये का 14.8 किलोग्राम सोना तस्करी करने के आरोप में बेंगलुरु हवाई अड्डे पर गिरफ्तार

बेंगलुरु बेंगलुरु अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर कन्नड़ फिल्म अभिनेत्री रान्या राव को 12 करोड़ रुपये मूल्य के 14.8 किलोग्राम सोने की तस्करी के आरोप में गिरफ्तार किया गया है. राजस्व खुफिया निदेशालय (DRI) ने गुप्त सूचना के आधार पर यह कार्रवाई की. जांच एजेंसियां अब यह पता लगाने में जुटी हैं कि क्या रान्या किसी बड़े तस्करी गिरोह का हिस्सा थीं और क्या इसमें किसी सरकारी अधिकारी की संलिप्तता है.   सोमवार रात दुबई से एमिरेट्स फ्लाइट के जरिए भारत लौटने पर DRI अधिकारियों ने रान्या राव को हिरासत में लिया. मंगलवार को उन्हें आर्थिक अपराध न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उन्हें 14 दिन की न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया.   बार-बार दुबई जाने से पुलिस को हुआ शक DRI अधिकारियों के मुताबिक, रान्या राव पिछले 15 दिनों में चार बार दुबई जा चुकी थीं, जिससे उन पर संदेह बढ़ा. एजेंसियों को शक था कि वह अवैध गतिविधियों में संलिप्त हो सकती हैं. जब वह बेंगलुरु वापस लौटीं, तो अधिकारियों ने एक विशेष अभियान चलाकर उन्हें पकड़ लिया. पुलिस अधिकारी की बेटी, मशहूर फिल्मों में कर चुकी हैं अभिनय 32 वर्षीय रान्या राव आईपीएस अधिकारी रामचंद्र राव की बेटी हैं, जोकि कर्नाटक में पुलिस हाउसिंग कॉरपोरेशन के निदेशक जनरल (DGP) हैं। एक्ट्रेस ने कन्नड़ फिल्मों माणिक्य (जिसमें सुदीप मुख्य भूमिका में थे) और पटाखी (जिसमें गणेश मुख्य भूमिका में थे) में काम किया है। इसके अलावा, वह तमिल फिल्म वागाह में विक्रम प्रभु के साथ नजर आई थीं। कपड़ों में छिपाकर लाई थी सोना जांच में सामने आया है कि रान्या ने सोने की छड़ों को अपने कपड़ों के अंदर छिपाकर तस्करी की थी. उन्होंने भारी मात्रा में सोना अपने जैकेट के अंदर छिपाया हुआ था, साथ ही उन्होंने खुद भी सोने के आभूषण पहने हुए थे. अधिकारियों को शक है कि उन्होंने अपने रसूख का इस्तेमाल कर कस्टम चेकिंग से बचने की कोशिश की.   बचने के लिए खुद बताई IPS अधिकारी की बेटी मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, रान्या ने एयरपोर्ट पर खुद को कर्नाटक स्टेट पुलिस हाउसिंग कॉरपोरेशन के डीजीपी रामचंद्र राव की बेटी बताया और स्थानीय पुलिस अधिकारियों से संपर्क कर एस्कॉर्ट सेवा की मांग की. अब यह जांच की जा रही है कि क्या उनके पिता या अन्य पुलिस अधिकारी इस मामले में संलिप्त थे या फिर उन्हें गुमराह किया गया था.   तस्करी नेटवर्क की जांच जारी   DRI अधिकारियों के अनुसार, यह केवल व्यक्तिगत तस्करी का मामला नहीं हो सकता. रान्या राव के दुबई और भारत के बीच सोने की तस्करी करने वाले किसी बड़े सिंडिकेट से जुड़े होने की आशंका जताई जा रही है. फिलहाल, उनसे बेंगलुरु के HBR लेआउट स्थित DRI मुख्यालय में पूछताछ जारी है.   साउथ इंडियन सिनेमा में जाना-पहचाना नाम   रान्या राव कन्नड़ फिल्म “माणिक्य” (2014) में सुपरस्टार सुदीप के साथ काम कर चुकी हैं. इसके अलावा उन्होंने तमिल और तेलुगु फिल्मों में भी अभिनय किया है. हालांकि, इस तस्करी कांड के बाद उनकी छवि को तगड़ा झटका लगा है. एक्ट्रेस ने ब्लैकमेल किए जाने का किया दावा! पूछताछ के दौरान, रान्या राव ने दावा किया कि उन्हें सोने की तस्करी के लिए ब्लैकमेल किया जा रहा था. इस बीच, कांस्टेबल बसवराजू को हिरासत में लेकर उनके बयान को दर्ज किया गया है. उनकी गिरफ्तारी के बाद अधिकारियों ने मार्च 4 को उनके निवास पर छापा मारा. यहां से 2.67 करोड़ रुपये कैश और 2.06 करोड़ रुपये मूल्य का सोना बरामद किया गया. इस छापे में तीन बड़े बॉक्स भी जब्त किए गए, जिससे कुल जब्ती मूल्य 17.29 करोड़ हो गया. 14 दिन की न्यायिक हिरासत में भेजी गईं रान्या राव रान्या राव को 1962 के कस्टम्स एक्ट के तहत 14 दिन की न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है. वह फिलहाल परप्पाना अग्रहरा सेंट्रल जेल के क्वारंटाइन सेल में हैं, जबकि जांच जारी है. एक्ट्रेस ने जमानत के लिए भी आवेदन किया है, लेकिन इस मामले में DRI ने अभी तक कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया है.  

नई नवेली दुल्हन को मायके तो दामाद को ससुराल में क्यों मनानी चाहिए पहली होली, कलह और सास-बहू से जुड़ी है वजह

why newly married women should celebrate first holi in mayke know reason behind relationship between saas bahu हर साल की तरह इस साल भी भारत में होली का त्योहार धूमधाम से मनाया जाना है। लोग रंग-बिरंगे रंगों में सराबोर होने के लिए बेसब्री से इंतजार कर रहे हैं। रंगों की बोछार के बीच लोग गिले-शिकवे भी भूल जाते हैं। नई नवेली दुल्हन अपने मायके में जाकर होली मनाती हैं यहां तक कि दामाद को भी ससुराल में होली मनाने के लिए कहा जाता है। लेकिन आपने कभी सोचा है कि आखिर दुल्हन की पहली होली मायके तो दामाद की ससुराल में क्यों होना चाहिए। और, नई नवेली दुल्हन की तरह क्या प्रेग्नेंट महिलाओं को भी मायके में मायके में होली मनानी चाहिए। इसकी वजह सास-बहू और पति-पत्नी की रिश्तों से जुड़ी हुई है। जिसके बारे में कंटेंट क्रिएटर सोनिया चौहान ने भी बताया है।(सभी फोटो सांकेतिक हैं) सबसे पहले जानें कारण पौराणिक कथा के अनुसार, होलिका एक दिव्य वस्‍त्र को ओढ़कर प्रह्लाद को जलाने के लिए आग में बैठी थी, लेकिन जब प्रह्लाद ने भगवान विष्णु के नाम का जाप किय तो, होलिका का अग्निरोधक वस्त्र प्रह्लाद के ऊपर आ गया और वह बच गए, जबकि होलिका भस्म हो गई। कहते हैं कि जिस दिन होलिका आग में बैठी का काम किया, अगले दिन उसका विवाह भी होना था।उनके होने वाली पति का नाम इलोजी बताया जाता है, इलोजी की मां जब बेटे की बारात लेकर होलिका के घर पहुंची तो उन्होंने उसकी चिता जलते दिखी। बेटे का बसने वाला संसार उजड़ता देख बेसुध हो गईं और प्राण त्याग दिए। बस तभी से प्रथा चला आ रही है कि नई बहू को ससुराल में पहली होली नहीं देखनी चाहिए। सास बहू के झगड़े से जुड़ा कारण होली और होलिका दहन के वक्त सास-बहू का साथ में रहना ठीक नहीं माना जाता है। नई दुल्हन के लिए कहा जाता है कि उसे अपनी पहली होली ससुराल के जगह मायके में मनाना चाहिए। जब सास -बहू अगर साथ में होलिका दहन देखती हैं तो घर में कलह की शुरुआत हो जाती है। सास-ससुर के साथ रिश्ते खराब होने लगते हैं, बिना बात के झगड़े भी होने लगते हैं। सास-बहू के रिश्तों में यदि तकरार हो तो उससे आने वाले समय में तनाव बढ़ जाता है।वहीं एक और धारणा है जो कहीं न कहीं सटीक रहती है कि शादी के तुरंत बाद दुल्हन ससुराल में कंफर्टेबल महसूस नहीं करती है, इसलिए मायके में होली मनाने का चलन है जिसे प्रथा का नाम दे दिया गया है।

International Women’s Day : क्या है वुमन डे का इतिहास? जानें इसे जुड़ी खास बातें

international womens day 2025 history significance and this year theme know here हर साल 8 मार्च को अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस मनाया जाता है. जिसे हमेशा अलग-अलग थीम के साथ सेलिब्रेट किया जाता है. आइए आर्टिकल में जानते हैं अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस मनाने के शुरुआत कब और कैसे हुई, साथ ही इस साल की थाम के बारे में हर साल 8 मार्च को अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस मनाया जाता है. आजकल महिलाएं घरेलू कामों के अलावा भी अलग-अलग क्षेत्रों में अपने कौशल का प्रदर्शन करती हैं. ऐसे में इस दिन महिलाओं की सामाजिक, आर्थिक, सांस्कृतिक और राजनीतिक उपलब्धियों को सम्मानित करने का अवसर होता है. इस दिन का उद्देश्य महिलाओं के अधिकारों के प्रति जागरूकता फैलाना और समानता की दिशा में आगे बढ़ने के लिए प्रेरित करना है. ऑफिस, कॉलेज और कई जगहों पर अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस को सेलिब्रेट किया जाता है. इसकी शुरुआत के पीछे की कहानी के बारे में बहुत कम लोगों को ही पता होगा. हर साल महिला दिवस को एक थीम के साथ सेलिब्रेट किया जाता है. आइए जानते हैं इस आर्टिकल में इसका इतिहास और इस साल की थीम के बारे में. अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस का इतिहास1908 में न्यूयॉर्क शहर में महिलाएं बेहतर कार्य स्थितियों, मतदान अधिकार और समान वेतन के लिए सड़कों पर परेड निकाली थी. 1910 में कोपेनहेगन में एक अंतरराष्ट्रीय महिला सम्मेलन आयोजित किया गया, जहां क्लारा जेटकिन ने महिला दिवस मनाने का प्रस्ताव रखा. पहला अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस 19 मार्च 1911 में ऑस्ट्रिया, जर्मनी, स्विट्जरलैंड और डेनमार्क में मनाया गया था. बाद में महिला दिवस की तारीख को बदलकर 8 मार्च कर दिया गया. तब से महिला दिवस पूरी दुनिया में 8 मार्च को ही मनाया जा रहा है. 1975 में संयुक्त राष्ट्र ने पहली बार आधिकारिक रूप से अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस को मान्यता दी थी. तब से हर साल इसे एक थीम का मनाया जाता है. पहले महिलाओं को समाज में एक सीमित दायरे में रखा जाता था, लेकिन समय के साथ उनकी स्थिति में सुधार हुआ है. आज महिलाएं न केवल घर के कार्यों को संभालती हैं, बल्कि विभिन्न क्षेत्रों में अपनी कड़ी मेहनत और संघर्ष से सफलता की मिसाल भी प्रस्तुत कर रही हैं. आज के समय में महिलाएं हर क्षेत्र में सफलता की नई ऊंचाइयों को छू रही हैं, लेकिन फिर भी महिलाओं को कई प्रकार की चुनौतियों का सामना करना पड़ता है. भेदभाव और घरेलू हिंसा जैसी की समस्याएं आज भी महिलाओं की जिंदगी का हिस्सा है. इस दिन का उद्देश्य इन समस्याओं के खिलाफ आवाज उठाना और समानता की दिशा में कदम बढ़ाना है. क्या है इस साल की थीम?इस साल अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस की थीम “सभी महिलाओं और लड़कियों के लिए: अधिकार, समानता. सशक्तिकरण.” है. इस थीम का मतलब सभी महिलाओं के लिए सम्मान, अधिकार, शक्ति और अवसरों से उनके भविष्य को बेहतर बनाना है. इस दिन को मनाने का मतलब सिर्फ ये नहीं है कि हम महिलाओं की सराहना करें, बल्कियह भी है कि हम उन्हें सशक्त बनाने के लिए काम करें. महिलाओं के लिएसम्मान,अवसर, सुरक्षा, शिक्षा और स्वास्थ्य की स्थिति में सुधार के लिए सभी को मिलकर काम करना होगा. अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस इस दिशा में पॉजिटिव बदलाव लाने के लिए प्रेरित करता है.

चैंपियंस ट्रॉफी २०२५ – न्यूजीलैंड ने साउथ अफ्रीका को 363 टारगेट दिया: ये चैंपियंस ट्रॉफी का हाईएस्ट टोटल

Champions Trophy 2025 – New Zealand set a target of 363 for South Africa: This is the highest total in the Champions Trophy लाहौर। चैंपियंस ट्रॉफी के दूसरे सेमीफाइनल में न्यूजीलैंड साउथ अफ्रीका के खिलाफ टॉस जीतकर बैटिंग कर रही है। 49 ओवर के बाद टीम का स्कोर 349/5 है। ग्लेन फिलिप्स और माइकल ब्रेसवेल क्रीज पर हैं। डेरिल मिचेल 49 रन पर ऑलआउट हुए। उन्हें लुंगी एनगिडी ने कगिसो रबाडा के हाथों कैच कराया। उन्होंने विल यंग (21 रन) को भी आउट किया। टॉम लैथम (4 रन) को कगिसो रबाडा ने बोल्ड कर दिया। उन्होंने रचिन रवींद्र (108 रन) को भी आउट किया। केन विलियम्सन (102 रन) को वायन मुल्डर ने लुंगी एनगिडी के हाथों कैच कराया। यह मैच जीतने वाली टीम 9 मार्च को भारत से दुबई में फाइनल मुकाबला खेलेगी।

बजट सत्र से पहले कांग्रेस बना रही रणनीति, बेरोजगारी महंगाई जैसे मुद्दों पर घेरेंगे, 9 मार्च को बैठक

congress is making strategy before the budget session will surround on issues like unemployment मध्यप्रदेश में 10 मार्च से बजट सत्र शुरू होने जा रहा है। विधानसभा के नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार ने मोबाइल नंबर जारी कर लोगों से अपील की है कि यदि अपराधों और भ्रष्टाचार के मामले में उनके पास कोई सबूत है तो वह भेजें, ताकि इसे विधानसभा के पटल पर उठाए जा सके। जानकारी के लिए बतादें कि यह सत्र 14 दिनों का होगा, जिसमे कुल 9 बैठकें होगी। तो वहीं कांग्रेस ने बजट सत्र से पहले 9 मार्च को बैठक बुलाई है। जिसमे पार्टी के सभी दिग्गज नेता शामिल होगें। यह बैठक भोपाल के अशोका होटल में होगी, जहां पर कांग्रेस के दिग्गज विधानसभा का घेराव करने की रणनीति तैयार करेंगे। साथी अलग-अलग रणनीति पर चर्चा की जाएगी। इन मुद्दों पर घेरने की तैयारीहोने वाली बैठक में एमपी कांग्रेस प्रभारी हरीश चौधरी भी शमिल होंगे और विधानसभा में रखे जाने वाले मुद्दों को लेकर चर्चा करेंगे। बजट से पहले होने वाली यह बैठक काफी महत्वपूर्ण मानी जा रही है। 9 दिन तक होनी वाली इस बैठक में कांग्रेस किसानों , रोजगार, महंगाई, कर्ज, करप्शन, लाड़ली बहना सहित अन्य मुद्दों को उठाएगी। इसके साथ ही संभावना जताई जा रही है कि मध्य प्रदेश का बजट 11 से 13 मार्च के बीच पेश किया जा सकता है। नेता प्रतिपक्ष ने लोगों से की अपीलबजट सत्र को लेकर विधानसभा के नेता प्रतिपक्ष ने सोशल मीडिया के माध्यम से लोगों से अपील की है कि यदि उनके पास भ्रष्टाचार के संबंध में कोई सबूत है तो वे मोबाइल नंबर 8269889419 पर संपर्क कर भेज सकते हैं। उमंग सिंघार ने कहा है कि मध्य प्रदेश में घोटाले, अपराध, दलितों पर अत्याचार, माफिया राज से जुड़े कोई भी सबूत लोगों के पास हो तो वे कांग्रेस को उपलब्ध कराए ताकि विधानसभा में इन मुद्दों को उठाए जा सके। कांग्रेस ने कहा है कि विधानसभा सत्र में सरकार के खिलाफ मुद्दे उठाने के लिए लोग फोटो, वीडियो, कॉल रिकॉर्डिंग, दस्तावेज या अन्य कोई भी प्रमाण सोशल मीडिया के माध्यम से उन्हें उपलब्ध करा सकते हैं ताकि अपराध और भ्रष्टाचार से जुड़े मुद्दों को विधानसभा में उठाए जा सके।

slot server thailand super gacor

spaceman slot gacor

slot gacor 777

slot gacor

Nexus Slot Engine

bonus new member

olympus

situs slot bet 200

slot gacor

slot qris

link alternatif ceriabet

slot kamboja

slot 10 ribu

https://mediatamanews.com/

slot88 resmi

slot777

https://sandcastlefunco.com/

slot bet 100

situs judi bola

slot depo 10k

slot88

slot 777

spaceman slot pragmatic

slot bonus

slot gacor deposit pulsa

rtp slot pragmatic tertinggi hari ini

slot mahjong gacor

slot deposit 5000 tanpa potongan

mahjong

spaceman slot

https://www.deschutesjunctionpizzagrill.com/

spbo terlengkap

cmd368

368bet

roulette

ibcbet

clickbet88

clickbet88

clickbet88

bonus new member 100

slot777

https://bit.ly/m/clickbet88

https://vir.jp/clickbet88_login

https://heylink.me/daftar_clickbet88

https://lynk.id/clickbet88_slot

clickbet88

clickbet88

https://www.burgermoods.com/online-ordering/

https://www.wastenotrecycledart.com/cubes/

https://dryogipatelpi.com/contact-us/

spaceman slot gacor

ceriabet link alternatif

ceriabet rtp

ceriabet

ceriabet link alternatif

ceriabet link alternatif

ceriabet login

ceriabet login

cmd368

sicbo online live

Ceriabet Login

Ceriabet

Ceriabet

Ceriabet

Ceriabet

casino online

clickbet88

login kudahoki88

Ceriabet

Ceriabet

Ceriabet

slot olympus

sbobet

slot thailand

sbobet