डॉक्टर बनने का सपना देख रहे छात्रों के लिए अच्छी खबर, छत्तीसगढ़ में MBBS की सीटें बढ़कर हुई 2110 सीटें
Good news for students dreaming of becoming doctors
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‘Congress’ loot during life and even after life: PM Modi पीएम मोदी ने छत्तीसगढ़ के सरगुजा में जनसभा को संबोधित करते हुए विरासत टैक्स का जिक्र किया। उन्होंने कहा कि शाही परिवार के शहजादे के सलाहकार ने कुछ समय पहले कहा था कि मिडिल क्लास पर और ज्यादा टैक्स लगाना चाहिए। अब ये लोग इससे भी एक कदम और आगे बढ़ गए हैं। अब कांग्रेस का कहना है कि वो माता-पिता से मिलने वाली विरासत पर भी टैक्स लगाएगी। सरगुजा। पीएम मोदी आज छत्तीसगढ़ के सरगुजा में एक जनसभा को संबोधित किया। पीएम मोदी ने कांग्रेस पर निशाना साधते हुए विरासत टैक्स का जिक्र किया। पीएम मोदी ने कहा कि शाही परिवार के शहजादे के सलाहकार ने कुछ समय पहले कहा था कि मिडिल क्लास पर और ज्यादा टैक्स लगाना चाहिए। अब ये लोग इससे भी एक कदम और आगे बढ़ गए हैं। अब कांग्रेस का कहना है कि वो Inheritance Tax लगाएगी, माता-पिता से मिलने वाली विरासत पर भी टैक्स लगाएगी। कांग्रेस आप पर विरासत टैक्स का बोझ लाद देगी: पीएम मोदीप्रधानमंत्री मोदी ने आगे कहा, जब तक आप जीवित रहेंगे, तब तक कांग्रेस आपको ज्यादा टैक्स से मारेगी और जब जीवित नहीं रहेंगे, तब आप पर Inheritance Tax का बोझ लाद देगी। पूरी कांग्रेस पार्टी को अपनी पैतृक संपत्ति मानकर जिन लोगों ने अपने बच्चों को दे दी, अब वो नहीं चाहते कि भारतीय अपनी संपत्ति अपने बच्चों को दें।” पीएम मोदी का कांग्रेस पर वारवहीं, पीएम मोदी ने कहा कि जब मैं विकसित भारत कहता हूं, तो कांग्रेस वालों का और दुनिया में बैठी कुछ ताकतों का माथा गरम हो जाता है। अगर भारत शक्तिशाली हो गया, तो कुछ ताकतों का खेल बिगड़ जाएगा। अगर भारत आत्मनिर्भर बन गया, तो कुछ ताकतों की दुकान बंद हो जाएगी। इसलिए वो भारत में कांग्रेस और इंडी गठबंधन की कमजोर सरकार चाहते हैं। पीएम मोदी ने आगे कहा कि अब कांग्रेस का कहना है कि वो माता-पिता से मिलने वाली संपत्ति पर टैक्स लगाएगी। आप जो अपनी संपत्ति बनाते हैं वो आपके बच्चे को नहीं मिलेगी। उसे कांग्रेस का पंजा आपसे छीन लेगा। पीएम ने कहा कि कांग्रेस का कहना है कांग्रेस की लूट जिंदगी के साथ भी जिंदगी के बाद भी। सैम पित्रोदा के बयान से मचा हंगामाकुछ दिनों पहले इंडियन ओवरसीज कांग्रेस के अध्यक्ष सैम पित्रोदा ने संपत्ति वितरण को लेकर अमेरिका के शिकागो में एक बयान दिया डाला। कांग्रेस नेता ने कहा, “अमेरिका में विरासत कर (टैक्स) लगता है। अगर किसी के पास 100 मिलियन डॉलर की संपत्ति है और जब वह मर जाता है तो वह केवल 45 फीसदी अपने बच्चों को ट्रांसफर कर सकता है।” उन्होंने आगे कहा,”55 फीसदी सरकार द्वारा हड़प लिया जाता है। यह एक दिलचस्प कानून है। यह कहता है कि आपने अपनी पीढ़ी में संपत्ति बनाई और अब आप जा रहे हैं, आपको अपनी संपत्ति जनता के लिए छोड़नी चाहिए- पूरी नहीं, आधी। ये जो निष्पक्ष कानून है मुझे अच्छा लगता है।” सैम पित्रोदा के इस बयान पर भाजपा ने कड़ी आपत्ति जताई। कांग्रेस नेता के बयान ने जब तूल पकड़ लिया तो कांग्रेस पार्टी और सैम पित्रोदा ने खुद इस मामले पर सफाई दी।
22 people in India have as much wealth as 70 crore people: Rahul Gandhi बस्तर में जनसभा को संबोधित करते हुए कांग्रेस सांसद राहुल गांधी ने कहा, लाखों लोग कोरोना के कारण मरे। हर प्रदेश से गरीब लोग घर वापस लौटे। दिल्ली (केंद्र) की सरकार ने कोई मदद नहीं की, किसी की भी मदद नहीं की। नपं मुख्यालय के लालबहादुर शास्त्री स्टेडियम में दोपहर 12 बजे से कार्यक्रम 15 हजार की आबादी वाले बस्तर को 2008 में मिला नगर पंचायत का दर्जा कांग्रेस नेत्री प्रियंका गांधी भी एक साल पहले 13 अप्रैल को बस्तर दौरे पर आई थीं छत्तीसगढ़ में लोकसभा चुनाव के पहले चरण में सिर्फ बस्तर लोकसभा सीट पर चुनाव हो रहा है। यहां कांग्रेस ने पूर्व मंत्री कवासी लखमा को प्रत्याशी बनाता है। लखमा के समर्थन में ही शनिवार को कांग्रेस नेता राहुल गांधी की दंतेवाड़ा जिले के गीदम में सभा का आयोजन हुआ। सभा को संबोधित करते हुए कांग्रेस सांसद राहुल गांधी ने पीएम मोदी की सरकार पर जमकर आरोप लगाए। साथ ही कांग्रेस की सरकार बनने पर जनता के लिए कांग्रेस के वादों को याद दिलाया। उन्होंने अपने भाषण में कहा, लाखों लोग कोरोना के कारण मरे। हर प्रदेश से गरीब लोग घर वापस लौटे। दिल्ली (केंद्र) की सरकार ने कोई मदद नहीं की, किसी की भी मदद नहीं की। पूरा का पूरा फायदा 2-3 अरबपतियों को दे देते हैं। हिंदुस्तान में 22 लोग हैं जिनके पास उतना ही धन है जितना 70 करोड़ हिंदुस्तानी लोगों के पास है। पीएम मोदी 24 घंटा इन 22-25 लोगों की मदद करते रहते हैं। कांग्रेस सांसद राहुल गांधी ने कहा, हिंदुस्तान के सब बेरोज़गार युवाओं को सरकार ये अधिकार देगी कि एक साल के लिए निजी कंपनी में, PSUs में, सरकारी कार्यालयों में हिंदुस्तान के बेरोज़गार युवाओं को एक साल की नौकरी मिलेगी जिसमें उनका प्रशिक्षण होगा और 1 साल में उनके बैंक अकाउंट में 1 लाख रुपये दिए जाएंगे। अगर उन्होंने अच्छा काम किया तो उन्हीं संस्थाओं में उन्हें पक्की नौकरी मिलेगी। चुनावी सभा में राहुल गांधी ने बस्तर के विकास के लिए लोगों से कांग्रेस प्रत्याशी कवासी लखमा को वोट देने की अपील की। कांग्रेस नेता सचिन पायलट ने कहा, बस्तर में कांग्रेस हमेशा से मज़बूत रही है। भाजपा नेता 10 साल में उन्होंने क्या किया उसपर चर्चा नहीं कर रहे। उनका चुनाव प्रचार भी मुद्दों से हटकर जज़्बाती मुद्दों पर, धर्म, मंदिर-मस्जिद पर केंद्रित है। हम छत्तीसगढ़ की सभी 11 सीटों पर अच्छा प्रदर्शन करेंगे। सभा के एक दिन पहले शुक्रवार शाम को पार्टी के छत्तीसगढ़ प्रभारी सचिन पायलट, पीसीसी अध्यक्ष दीपक बैज, लोकसभा चुनाव संचालन समिति के संयोजक व बस्तर विधायक लखेश्वर बघेल के साथ बस्तर पहुंचे और सभा स्थल में तैयारियों का अवलोकन किया। बस्तर को 2008 में मिला नगर पंचायत का दर्जाबस्तर जिले का मुख्यालय जगदलपुर है तो बस्तर से 18 किलोमीटर दूर है। राष्ट्रीय राजमार्ग पर स्थित बस्तर आजादी से पहले रियासतकालीन राजधानी रही थी। लगभग 15 हजार की आबादी वाले बस्तर को 2008 में नगर पंचायत का दर्जा मिला था। उल्लेखनीय है कि पिछले दिनों आठ अप्रैल को प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की चुनावी जनसभा भी इसी बस्तर विकासखंड के ग्राम छोटे आमाबाल में हुई थी। बस्तर से लगभग 20 किलोमीटर दूर है। कांग्रेस ने भी राहुल गांधी की चुनावी जनसभा के लिए इसी विकासखंड को चुना है। निरीक्षण के दौरान धनेन्द्र साहू, मोहन मरकाम, राजमन बेंजाम, मलकीत सिंह, मिथलेश आदि भी उपस्थित थे। प्रियंका भी इसी दिन आई थींराहुल गांधी की बहन कांग्रेस नेत्री प्रियंका गांधी भी एक साल पहले 13 अप्रैल को बस्तर दौरे पर आई थीं। वह जगदलपुर में आयोजित कांग्रेस के भरोसे के सम्मेलन में शामिल हुई थीं। प्रियंका गांधी के दौरे के ठीक साल भर बाद इसी तारीख को बस्तर दौरे पर आ रहे हैं।
The sacred light reached Chhattisgarh from Shri Ram’s birthplace Ayodhyadham. विशेष संवाददाता रायपुर। श्री राम जन्मभूमि अयोध्याधाम से पावन ज्योति आज छत्तीसगढ़ पहुंची। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय को आज राज्य अतिथि गृह पहुना में श्री राम जन्मभूमि आयोध्याधाम से पावन ज्योति लेकर राजधानी रायपुर पहुंचे रामभक्तों ने वैदिक मंत्रोच्चार के साथ पवित्र ज्योति कलश सौंपा। मुख्यमंत्री साय ने कहा कि राजधानी रायपुर के श्री राम मंदिर में ज्योति कलश को रखा जाएगा, जहां से प्रदेश भर में पावन ज्योति भेजी जाएगी। मुख्यमंत्री ने श्री रामलला प्राण प्रतिष्ठा के अवसर पर प्रदेशवासियों से घर-घर ज्योति जलाने अपील की। आयोध्याधाम से पावन ज्योति लेकर छत्तीसगढ़ पहुंचे रामभक्तों ने मुख्यमंत्री साय को बताया कि रामभक्तों का सात सदस्यीय दल रामजन्मभूमि से ज्योति कलश लाने गया था। उल्लेखनीय है कि दल में मुस्लिम सम्प्रदाय से भी भिलाई निवासी रज्जन अकील खान और शाहनवाज ने अपनी सहभागिता दी है। दल में प्रग्नेश महेंद्र भाई पटेल, राजू साहू, अरविंद पटेल, आकाश पाल आदि शामिल रहे। मुख्यमंत्री को रामभक्तों द्वारा आयोध्याधाम का प्रसाद भी भेंट किया। इस अवसर रोहित कौशिक, प्रकाश शर्मा, पंडित विकास शास्त्री, टीका राम साहू, राजेश तिवारी, महेश सहित अनेक रामभक्त उपस्थित रहे।
Chief Minister Vishnudev Sai paid tribute to late Kumar Lakshmi Narayan Dev. विशेष संवाददाता रायपुर। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने जगदलपुर विधायक किरण देव के पिता स्वर्गीय कुमार लक्ष्मी नारायण देव के पार्थिव देह के अंतिम दर्शन सुकमा स्थित उनके निवास पहुंचकर किये। उन्होंने स्वर्गीय देव को श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए पुण्यात्मा की शांति के लिए प्रार्थना की। साथ ही शोकाकुल परिवारजनों के प्रति भी शोक संवेदना प्रगट की। इस मौके पर वन एवं जलवायु परिवर्तन मंत्री केदार कश्यप, कृषि मंत्री रामविचार नेताम, विधायक लता उसेंडी, चैतराम अटामी, विनायक गोयल, गुरु खुशवंत साहेब, पूर्व सांसद दिनेश कश्यप, पूर्व विधायक संतोष बाफना, महेश गागड़ा, रेखचंद जैन, लच्छूराम कश्यप, बैदूराम कश्यप और संभागायुक्त श्याम धावड़े, पुलिस महानिरीक्षक सुंदरराज पी, उप पुलिस महानिरीक्षक कमलोचन कश्यप, कलेक्टर हरीश एस, पुलिस अधीक्षक किरण चह्वाण सहित बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधिगण और क्षेत्रवासियों ने स्वर्गीय लक्ष्मी नारायण देव के पार्थिव देह का अंतिम दर्शन कर श्रद्धांजलि अर्पित की। उल्लेखनीय है कि सुकमा जमींदार परिवार के सदस्य कुमार लक्ष्मी नारायण देव का निधन 104 वर्ष की आयु में जगदलपुर स्थित आवास में बुधवार को हो गया।
13 से 15 जनवरी तक छत्तीसगढ़ प्रवास पर रहेंगे केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह, विभिन्न कार्यक्रमों में होंगे शामिल। विशेष संवाददाता रायपुर रायपुर। केन्द्रीय ग्रामीण विकास एवं पंचायती राज मंत्री गिरिराज सिंह 13 से 15 जनवरी तक छत्तीसगढ़ के प्रवास पर रहेंगे और इस दौरान रायपुर और कोरबा जिले में आयोजित विभिन्न कार्यक्रमों में शामिल होंगे। निर्धारित दौरा कार्यक्रम के अनुसार केन्द्रीय मंत्री गिरिराज सिंह 13 जनवरी को नई दिल्ली से विमान द्वारा पूर्वान्ह 11.45 बजे रायपुर एयरपोर्ट आएंगे और वहां से राजकीय अतिथिशाला रायपुर पहुंचेंगे। मंत्री गिरिराज सिंह राजकीय अतिथिशाला रायपुर में दोपहर 12.30 बजे से राज्य के ग्रामीण विकास, भूमि संसाधन एवं पंचायतीराज अधिकारियों की बैठक लेंगे। बैठक पश्चात राजकीय अतिथिशाला रायपुर से दोपहर 2 बजे कार से प्रस्थान कर शाम 5.30 बजे एनटीपीसी अतिथि शाला कोरबा पहुंचेंगे और वहां शाम 6 बजे से जिला प्रशासन के ग्रामीण विकास, भूमि संसाधन एवं पंचायतीराज अधिकारियों की बैठक लेंगे। गिरिराज सिंह रात्रि विश्राम एनटीपीसी अतिथिशाला कोरबा में करेंगे। केन्द्रीय मंत्री गिरिराज सिंह 14 जनवरी को कोरबा में सुबह 10 बजे मंदिर में स्वच्छता अभियान में भाग लेंगे उसके बाद कोरबा के ग्राम ढोंगदरहा में सुबह 11 बजे आयोजित विकसित भारत संकल्प यात्रा शिविर में शामिल होंगे। गिरिराज सिंह कोरबा जिले के विकासखण्ड कटघोरा के ग्राम रंजना में दोपहर 2.15 बजे आयोजित विकसित भारत संकल्प यात्रा शिविर में शामिल होंगे। कार्यक्रम पश्चात ग्राम रंजना से प्रस्थान कर अपरान्ह 4.15 बजे एनटीपीसी अतिथिशाला कोरबा पहुंचेंगे और रात्रि विश्राम वहीं करेंगे। केन्द्रीय मंत्री गिरिराज सिंह 15 जनवरी को कोरबा जिले के विकासखण्ड कटघोरा के एकलव्य आदर्श आवासीय विद्यालय छुरीकला में प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी द्वारा ’पीएम जन मन योजना’ की शुरूआत कार्यक्रम में वीडियों कांफ्रेस के माध्यम से सम्मिलित होंगे। कार्यक्रम पश्चात कोरबा से कार द्वारा प्रस्थान कर अपरान्ह 5.30 बजे रायपुर एयरपोर्ट पहुंचेंगे और विमान से रात्रि 8.25 बजे दिल्ली के लिए प्रस्थान करेंगे।
Ramotsav will be celebrated with great pomp in Nanihal Chhattisgarh on January 22 – Culture Minister Brijmohan Aggarwal विशेष संवाददाता रायपुर रायपुर। छत्तीसगढ़ के शिक्षा, धर्मस्व एवम संस्कृति मंत्री बृजमोहन अग्रवाल ने अयोध्या में आयोजित ’श्री रामलला प्राण प्रतिष्ठा-रामोत्सव’ अवसर पर 22 जनवरी 2024 को छत्तीसगढ़ में भी भव्य एवं वृहद रूप से सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजन करने के निर्देश विभाग को दिए है। इस संबंध में कार्ययोजना बनाकर राज्य के सभी कलेक्टर को निर्देश जारी कर दिए गए हैं। राज्य शासन द्वारा यह निर्णय लिया गया है कि दिनाँक 22 जनवरी 2024 को अयोध्या में आयोजित ’श्रीरामलला प्राण प्रतिष्ठा-रामोत्सव’ के मद्देनजर राज्य भर में भव्य रूप से भक्तिमय सांस्कृतिक कार्यक्रम का आयोजन किया जाना सुनिश्चित किया जाए। उक्त आयोजन तीन स्तरों में संभागीय/जिला एवं विकासखण्ड स्तर पर होगा। उक्त आयोजन में मानस मंडलियों को जोड़ा जाना है। राज्य के प्रत्येक जिलों में संचालनालय संस्कृति एवं राजभाषा के साथ पंजीकृत क्रियाशील लगभग 4700 मानस मंडलियां हैं । राज्य शासन के घोषणा अनुरूप इन सभी मानस मंडलियों को प्रोत्साहन स्वरूप प्रत्येक मंडली को 5000/- राशि प्रदाय करने का निर्णय लिया गया है। उक्त निर्णय अनुरूप जिलेवार मानस मंडलियों की सूची एवं तदानुसार धनराशि का आबंटन संचालनालय, संस्कृति एवं राजभाषा द्वारा सीधे प्रत्येक कलेक्टरों को उपलब्ध कराया जा रहा है। जिसका शीघ्रता के साथ वितरण किए जाने की बात कही गई है ताकि भव्य आयोजनों में इन मानस मंडलियों को पूरा उत्सुकता के साथ भाग लेने के लिए प्रेरित किया जा सके। इसके साथ ही प्रत्येक जिला स्तरीय संस्थानों/विकासखण्ड स्तरीय/धार्मिक ट्रस्टों/मंदिर समितियों के साथ समन्वय करके उनके सहयोग के साथ जन जन के धार्मिक महत्व के इस भव्य कार्यक्रम का आयोजन सुनिश्चित किए जाने के निर्देश दिए गए हैं। नगरीय निकायों/ग्राम पंचायतों को इस आयोजन में भागीदारी सुनिश्चित करते हुए उक्त दिवस में भवनों में प्रकाश व्यवस्था सुनिश्चित किए जाने के निर्देश दिए गए हैं। कार्यक्रम की रूपरेखा प्रत्येक विकासखण्ड स्तर से कम से कम ऐसे एक विशिष्ट मंदिर में 22 जनवरी को दीप प्रज्जवलन, दीपदान एवं लाईटिंग व्यवस्था की जाए । उक्त मंदिर प्रांगण में प्रत्येक विकासखण्ड स्तर पर क्षेत्र के 05 मानस मंडलियों के मानस गायन का आयोजन उक्त दिवस में आयोजित किया जायेगा। उसी तरह प्रत्येक संभाग एवं जिला मुख्यालयों में भी कम से कम एक प्रतिष्ठित मंदिर तय कर उपरोक्त वर्णन अनुसार भव्य आयोजन किया जायेगा। बजट आवंटन विकासखण्ड स्तर पर आवश्यक कार्यक्रम व्यवस्था हेतु राशि 25000/-, प्रत्येक विकासखण्ड में पंजीकृत 05 मानस गायन दलों के लिए प्रोत्साहन राशि 5000/- के मान से संभाग स्तरीय कार्यक्रम आयोजन हेतु राशि 1.00 लाख रू. के मान से तथा संभाग मुख्यालय में पंजीकृत प्रत्येक संभाग से 5-5 मानस गायन दलों के लिए प्रोत्साहन राशि 5000/- रु. के मान से प्रदान किए जायेंगे। धर्मस्व मंत्री बृजमोहन अग्रवाल ने कहा कि प्रभु राम मंदिर का प्राण प्रतिष्ठा समारोह संपूर्ण भारतवर्ष के लिए आस्था का विषय है इसलिए सामाजिक संस्था/मंदिर ट्रस्ट/मंदिर समितियों एवं आम जनमानस के सहयोग से यह भव्य और दिव्य आयोजन सफल होगा।
The house where Swami Vivekananda spent his childhood in Raipur will become Smriti Bhawan. विशेष संवाददाता रायपुर रायपुर। स्वामी विवेकानंद जी की जयंती पर आयोजित राष्ट्रीय युवा महोत्सव के अवसर पर संस्कृति मंत्री बृजमोहन अग्रवाल ने राजधानी रायपुर के बूढ़ापारा स्थित ’डे भवन’ को स्वामी विवेकानंद जी की स्मृति भवन के रूप में विकसित करने का निर्णय लिया है। उन्होंने अधिकारियों को इसके लिए आवश्यक कार्ययोजना तैयार करने के निर्देश दिए।संस्कृति मंत्री अग्रवाल ने कहा कि आज प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने राष्ट्रीय युवा महोत्सव कार्यक्रम के जरिए स्वामी विवेकानंद जी के जीवन से जुड़ी खास बातों को युवाओं को बताई। साथ ही देश के विकास में युवाओं की भागीदारी की अहमियत बताई और उन्होंने युवाओं को उनके लिए बनाई विभिन्न योजनाओं की जानकारी दी।संस्कृति मंत्री अग्रवाल ने कहा कि, स्वामी विवेकानन्द ने पूरे विश्व में सनातन और भारत का झंडा बुलंद किया। वे युवाओं के साथ ही सभी भारतीयों के लिए प्रेरणा स्त्रोत है। वे हमारी गौरवशाली परंपरा के अमूल्य विरासत हैं। युवा देश की विरासत से जुड़कर अपने अंदर गौरव और स्वाभिमान की भावना जगा सकते है। उन्होंने कहा कि स्वामी विवेकानंद के बताए रास्ते पर चलकर ही विकसित भारत का निर्माण होगा। उन्होंने कहा कि स्वामी विवेकानन्द 14 वर्ष की आयु में रायपुर आए थे । यहां उन्होंने 2 साल से ज्यादा का समय बिताया। इस दौरान वो बूढ़ा पारा के पास डे भवन में रहते थे। और बूढ़ा तालाब में स्नान करते थे। इस धरोहर को हम संजो कर रखना चाहते हैं।
The new law of hit and run is not yet implemented: Appeal not to fall into any kind of rumor वाहन चालकों को डरने की आवश्यकता नहीं रायपुर – हिट एंड रन मामले पर केंद्र सरकार ने स्पष्ट किया है कि हिट एंड रन मामलों के लिए लाए गए कानून को अभी लागू नहीं किया गया है। अभी पुराना कानून ही लागू है। कतिपय स्वार्थी तत्वों के द्वारा फेक लेटर्स के माध्यम से गलत जानकारी देकर ट्रांसपोर्ट संगठनों और वाहन चालकों को बहकाने की सूचना मिली है। वाहन चालकों को स्वार्थी तत्वों द्वारा गलत जानकारी देकर फैलाए जा रहे अफवाहों से डरने की आवश्यकता नहीं है। केंद्रीय गृह मंत्रालय की ओर से यह स्पष्ट किया गया है कि नए कानून को लागू करने से पहले अखिल भारतीय मोटर ट्रांसपोर्ट कांग्रेस के प्रतिनिधियों से बातचीत करने के बाद ही कोई फैसला लिया जाएगा। वाहन चालकों को किसी भी प्रकार के बहकावे में आने और भयभीत होने की आवश्यकता नहीं है। इस संबंध में वाहन चालकों को किसी प्रकार के अफवाहों पर ध्यान नहीं देने की अपील की गई है। उल्लेखनीय है कि केंद्रीय गृह मंत्रालय द्वारा आल इंडिया मोटर ट्रांसपोर्ट कांग्रेस को पत्र प्रेषित कर स्पष्ट किया है कि भारत सरकार का संबंधित विभाग इस कानून को लागू करने से पहले अखिल भारतीय मोटर ट्रांसपोर्ट कांग्रेस के प्रतिनिधियों से बातचीत करेगी और उसके बाद ही कोई फैसला लिया जाएगा। केंद्रीय गृह सचिव श्री अजय भल्ला ने कहा है कि भारतीय न्याय संहिता 106(2) लागू करने से पहले हम ऑल इंडिया मोटर ट्रांसपोर्ट कांग्रेस के प्रतिनिधियों के साथ चर्चा करेंगे और उसके बाद ही हम कोई निर्णय लेंगे।
विश्व हिंदी दिवस पर विशेष हिंदी महज एक भाषा नहीं बल्कि यह करोड़ों भारतीयों की संस्कृति, सभ्यता, साहित्य और इतिहास को बयां करती है और उन्हें एकता के सूत्र में बांधती है। हिंदी भारतीयों के मान, सम्मान और स्वाभिमान की भाषा है। हिंदी भाषा ही नहीं यह भावों की अभिव्यक्ति है। हिंदी मातृभूमि पर मर मिटने की भक्ति है। हिंदी हमारा ईमान है और हिंदी हमारी पहचान है। हिंदी सोच बदलने वाली भाषा है। यह हमारे जीवन मूल्यों, संस्कृति एवं संस्कारों की सच्ची परिचायक भी है। आइए जानते हैं विश्व हिंदी दिवस पर विश्व में हिंदी के बढ़ते प्रभाव और उसका महत्व। डॉ. केशव पाण्डेय (अतिथि संपादक) 10 जनवरी को पूरी दुनिया में विश्व हिंदी दिवस मनाया जाता है। प्रत्येक भारतीय के लिए यह बेहद गर्व की बात है। बहुल सरल, सहज और सुगम भाषा होने के साथ हिंदी विश्व की संभवतः सबसे वैज्ञानिक भाषा है। जिसे दुनिया भर में समझने, बोलने और चाहने वाले लोग बड़ी संख्या में मौजूद हैं। हिंदी भाषा वक्ताओं की ताकत है, लेखकों का अभिमान है। करोड़ों भारतीयों को एक सूत्र में बांधने के साथ ही हमारी आन-बान, शान और अभिमान है। हिंदी को राष्ट्र की अस्मिता और प्रणम्य का प्रतीक माना जाता है। इसके हर शब्द में गंगा जैसी पावनता और गगन सी व्यापकता है। समुद्र सी गहराई और हिमालय सी ऊंचाई है, जो इसे महान बनाती है। यही वजह है कि पूरी दुनिया विश्व हिंदी दिवस मना रही है।यदि हम हिंदी भाषा के विकास की बात करें तो यह कहना मुनासिब होगा कि पिछली शताब्दी मेंं हिंदी का तेजी से विकास हुआ है और दिनों-दिन इसका प्रभाव बढ़ रहा है। हिंदी का करीब एक हजार वर्ष पुराना इतिहास है। संस्कृत भारत की सबसे प्राचीन भाषा है, जिसे देवभाषा भी कहा जाता है। माना जाता है कि हिंदी का जन्म भी संस्कृत से हुआ है। ज्यादातर शब्द संस्कृत, अरबी और फारसी भाषा से लिए गए हैं। यह मुख्य रूप से आर्यों और पारसियों की देन है। इस कारण हिन्दी अपने आप में एक समर्थ भाषा है।भारत में अनेक भाषाएं बोली जाती हैं, बावजूद इसके हिंदी सबसे ज्यादा बोली, लिखी व पढ़ी जाती है। इसीलिए हिंदी भारत की सबसे प्रमुख भाषा है। 26 जनवरी 1950 को संसद के अनुच्छेद 343 के तहत हिंदी को प्राथमिक भाषा माना गया। पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी ने 1977 में संयुक्त राष्ट्र संघ में हिंदी में भाषण देकर विदेशी धरती पर मातृभाषा का मान बढ़ाया। हिन्दी के जहां अंग्रेजी में मात्र 10 हजार मूल शब्द हैं। वहीं हिन्दी के मूल शब्दों की संख्या 2 लाख 50 हजार से भी अधिक है। हिन्दी विश्व की एक प्राचीन, समृद्ध तथा महान भाषा होने के साथ हमारी राजभाषा भी है। हिन्दी ने भाषा, व्याकरण, साहित्य, कला, संगीत के सभी माध्यमों में अपनी उपयोगिता, प्रासंगिकता एवं वर्चस्व कायम किया है। हिन्दी की यह स्थिति हिन्दी भाषियों और हिन्दी समाज की देन है, हमें अहसास होना चाहिये कि हिन्दी दुनिया की किसी भी भाषा से कमजोर नहीं है। हिंदी भाषा के इतिहास पर पुस्तक लिखने वाला कोई हिंदुस्तानी नहीं बल्कि फ्रांसीसी लेखक ग्रेसिम द टैसी था। हिंदी के बढ़ते प्रभाव के कारण ही ऑक्सफोर्ड डिक्शनरी में अच्छा और सूर्य नमस्कार जैसे कई हिंदी शब्दों को शामिल किया गया है।हिंदी का वर्चस्व बढ़ाने के लिए 2006 में तत्कालीन प्रधानमंत्री डॉ. मनमोहन सिंह ने प्रतिवर्ष 10 जनवरी को विश्व हिंदी दिवस मनाने की घोषणा की थी। तब से इसकी वर्षगांठ के उपलक्ष में हर साल मनाया जाता है। आज दुनियाभर में अंग्रेजी और मंदारिन के बाद हिंदी तीसरे नंबर की सबसे ज्यादा बोली जाने वाली भाषा है। सर्वे एजेंसी स्टैटिस्टा की रिपोर्ट के मुताबिक देश भर में 43. 63 प्रतिशत लोग हिंदी भाषा बोलते और समझते हैं।भारत के अलावा फिजी, मॉरीशस, सूरीनाम, त्रिनिनाद, टोबैगो, गुयाना, नेपाल, तिब्बत और पाकिस्तान में हिंदी बोली जाती है। इसके चलते इंटरनेट की दुनिया में अब हिंदी का वर्चस्व बढ़ रहा है।यही कारण है कि हिंदी आज दुनिया भर में इंटरनेट की पसंदीदा भाषा बन रही है। प्रति वर्ष 94 फीसदी हिंदी भाषी जुड़ रहे हैं, जबकि अंग्रेजी के महज 17 प्रतिशत हैं। गूगल-केपीएमजी रिसर्च, सेंसस इंडिया और आईआरएस की सर्वे रिपोर्ट को मानें तो आने वाले साल में हिन्दी में इंटरनेट उपयोग करने वाले अंग्रेजी वालों से ज्यादा हो जाएंगे। एक अनुमान के मुताबिक 34 करोड़ लोग हिन्दी का उपयोग करने लगेंगे। हिंदी के बढ़ते प्रभाव का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि दुनिया की मशहूर ई-कॉमर्स कंपनी अमेजन इंडिया ने अपना एप हिन्दी में लॉन्च किया। ओएलएक्स, फ्लिपकार्ट सहित विभिन्न कंपनियों के प्लेटफॉर्म पहले ही हिन्दी में उपलब्ध हैं। स्नैपडील भी हिन्दी में आ चुका है। 2023 तक 16.1 करोड़ लोगों ने डिजिटल पेमेंट के लिए हिन्दी का उपयोग किया। जबकि 2016 में यह संख्या 2.2 करोड़ थी। 2016 में डिजिटल माध्यम में हिन्दी समाचार पढ़ने वालों की संख्या 5.5 करोड़ थी। जो 2023 में बढ़कर 24.4 करोड़ तक हो गई।इसी को दृष्टिगत रखते हुए इस बार हिंदी दिवस मनाने की थीम “ हिंदी पारंपरिक ज्ञान और कृत्रिम बुद्धिमत्ता“ रखी गई है।विदेशों में हिंदी जनमानस के दिलो दिमाग पर अपनी छाप छोड़ रही है। लंदन में हिंदी पढ़ाई जा रही है। जर्मन में ऐसे स्कूल और गुरुकुल हैं जहां बच्चों को हिंदी के साथ ही संस्कृत भी पढ़ाई जाती है। क्योंकि हिंदी सोच बदलने वाली भाषा है। यह दुनिया की प्राचीन समृद्ध और सबसे सरल भाषा है। वर्तमान में दुनियाभर के करोड़ों लोग हिंदी बोलते हैं और लिखते भी हैं। कह सकते हैं कि दुनिया के भाल पर चंदन की भांति चमकने वाली हिंदी अपनी धाक जमा रही है।
Chief Minister Vishnu Dev Sai paid tribute to Nandkumar Baghel. विशेष संवाददाता रायपुर रायपुर। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय राजधानी रायपुर स्थित पाटन सदन पहुंचे। उन्होंने पाटन सदन में पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के पिता स्वर्गीय नंदकुमार बघेल के पार्थिव शरीर पर पुष्प अर्पित कर उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की। मुख्यमंत्री साय ने पूर्व मुख्यमंत्री बघेल एवं उनके परिजनों से भेंटकर अपनी संवेदनाएं व्यक्त की और ईश्वर से उनके परिवारजनों को इस असीम दुःख को सहन करने की शक्ति प्रदान करने की कामना की। इस अवसर पर विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह, उप मुख्यमंत्री अरुण साव, विधायक किरण सिंहदेव ने भी स्वर्गीय नंदकुमार बघेल को श्रद्धांजलि दी।
Cheating of Rs 12 lakh on the pretext of getting a government job 2 accused arrested विशेष संवाददाता रायपुर रायपुर। मंत्रालय एवं अन्य विभागों में शासकीय नौकरी लगाने का झांसा देकर 12 लाख रुपए की ठगी करने वाले 2 आरोपियों को पुलिस ने गिरफ्तार किया है। मिली जानकारी के अनुसार प्रार्थिया नंदनी धीवर एवं नीलकंठ गोंड, गीता देवांगन, घनश्याम देवांगन, मीनाक्षी मिश्रा, सुरेखा शोरी ने प्रशांत सोनी, उत्तम उर्फ विकम नेताम एवं पिंकी कौर के विरूद्ध मंत्रालय एवं अन्य विभागों में शासकीय नौकरी लगाने का झांसा देकर सभी से अलग अलग कुल 12,00,000 रुपये प्राप्त कर धोखाधड़ी करने के संबंध में पुलिस अधीक्षक कार्यालय में शिकायत प्रस्तुत किया। वरिष्ठ अधिकारी के निर्देशानुसार शिकायत को गंभीरता में लेते हुए शिकायत की जांच की गई, जिसमें आरोपियों द्वारा नौकरी लगाने के नाम पर प्रार्थियों से ऑन लाईन, चेक एवं नगदी के माध्यम से रकम प्राप्त कर धोखाधड़ी करना पाये जाने से आरोपियों के विरुद्ध अपराध कमांक 18/2024 धारा 420. 34 भादवि पंजीबद्ध किया गया।थाना प्रभारी टिकरापारा की संयुक्त टीम द्वारा प्रकरण के आरोपियों का लगातार आरोपी प्रशांत सोनी और उत्तम नेताम उर्फ विकम नेताम को प्रकरण में गिरफ्तार किया। आरोपियों को न्यायिक रिमांड पर न्यायालय पेश किया गया है।
Nandkumar Baghel, father of former Chief Minister Bhupesh Baghel, passes away. विशेष संवाददाता रायपुर रायपुर। छत्तीसगढ़ के पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के पिता नंदकुमार बघेल का आज तड़के एक निजी अस्पताल में निधन हो गया है। 89 वर्षीय नंदकुमार बघेल का निधन सुबह करीब 6 बजे हुआ है, नंद कुमार बघेल पिछले 3 महीने से राजधानी के एक निजी अस्पताल में भर्ती थे। नंद कुमार बघेल लंबे समय से अस्वस्थ थे और बीमारी की वजह से कमजोर हो गये थे। जहां पिता के निधन की खबर मिलते ही पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल दिल्ली दौरे से वापस लौट रहे हैं, वे दोपहर 1:40 की फ्लाइट से वापस राजधानी रायपुर लौटेंगे। वहीं नंदकुमार बघेल का अंतिम संस्कार 2 दिन बाद हो सकने की संभावना व्यक्त की जा रही है क्योंकि भूपेश बघेल की छोटी बहन भारती बघेल जो अमेरिका में रहती है उनके छत्तीसगढ़ लौटने के बाद ही अंत्येष्टि कार्यक्रम किया जाएगा। प्राप्त जानकारी के अनुसार बघेल परिवार के गृह ग्राम कुरूद डीह में 10 जनवरी को अंतिम संस्कार किया जाएगा। उनके पार्थिव शरीर को शांतिनगर स्थित पाटन सदन में रखा जायेगा।राज्यपाल विश्वभूषण हरिचंदन ने नंदकुमार बघेल के निधन पर जताया शोक राज्यपाल विश्वभूषण हरिचंदन ने प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के पिता नंदकुमार बघेल के निधन पर गहरा शोक व्यक्त किया है। उन्होंने मृत आत्मा की शांति तथा शोक संतप्त परिवारजनों को दुख सहने की शक्ति प्रदान करने की प्रार्थना ईश्वर से की है। नेता प्रतिपक्ष डॉ. चरण दास महंत ने किया पूर्व सीएम भूपेश बघेल के पिता नंदकुमार बघेल के निधन पर शोक व्यक्त छग पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के पिता नंदकुमार बघेल का निधन दुःखद है। शोक की इस घड़ी में हम सब उनके साथ है, ईश्वर शोक संतप्त परिवार को इस दुःख को सहन करने का सामर्थ्य दें। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने नंदकुमार बघेल के निधन पर जताया शोक मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के पिता नंदकुमार बघेल के निधन पर गहरा शोक व्यक्त किया हैl उन्होंने मृत आत्मा की शांति तथा शोक संतप्त परिवारजनों को दुख सहने की शक्ति प्रदान करने की प्रार्थना ईश्वर से की है।
विवाह योग्य युवक-युवतियों के सामाजिक परिचय सम्मेलन समाज के लिए लाभदायक : मुख्यमंत्री विष्णु देव साय। सतनामी उत्थान एवं जागृति समिति द्वारा आयोजित सतनामी युवक-युवती परिचय सम्मेलन को मुख्यमंत्री ने किया संबोधित। विशेष संवाददाता रायपुर रायपुर। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने आज राजधानी रायपुर के कचहरी चौक स्थित खालसा स्कूल परिसर में सतनामी उत्थान एवं जागृति समिति द्वारा आयोजित सतनामी युवक-युवती परिचय सम्मेलन को संबोधित करते हुए कहा कि ऐसे आयोजन समाज के लिए लाभदायक होते हैं। समाज के गुरु बालदास साहब ने अपने पुत्र का विवाह, समाज द्वारा आयोजित परिचय सम्मेलन और आदर्श सामूहिक विवाह में कराकर समाज के सामने एक बड़ा उदाहरण प्रस्तुत किया है। ऐसे आयोजनों को प्रोत्साहित करने की आवश्यकता है। मुख्यमंत्री ने कहा कि ऐसे आयोजनों से वर-वधु खोजने के लिए कहीं जाना नहीं पड़ता, एक मंच पर ही विवाह योग्य युवक-युवतियों का परिचय प्राप्त होता है। आगे चलकर वे विवाह के पवित्र बंधन में बंधते हैं। ऐसे आयोजनों से समय और धन की बचत होती है। मुख्यमंत्री ने इस आयोजन में शामिल होने वाले युवक-युवतियों को उज्जवल भविष्य के लिए आशीर्वाद प्रदान करते हुए शुभकामनाएं दी। उन्होंने सतनामी समाज द्वारा आयोजित इस परिचय सम्मेलन की सराहना करते हुए कहा कि पश्चिमी संस्कृति में विवाह भले ही कॉन्ट्रेक्ट होता है लेकिन हमारी संस्कृति में विवाह एक पवित्र संस्कार और सात जन्मों का साथ होता है। ऐसे आयोजनोें से दो परिवारों को शादी संबंध स्थापित करने में काफी सहूलियत होती है। मुख्यमंत्री साय ने इसके पहले बाबा गुरू घासीदास जी की पूजा अर्चना कर एवं दीप प्रज्जवलित कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया। इस अवसर पर भंडारपुरी गद्दीनशीन धर्म गुरु श्री बालदास साहब, नवनिर्वाचित विधायक गुरु खुशवंत साहब, पूर्व राज्य सांसद भूषण लाल जांगड़े, पूर्व लोकसभा सांसद गोविंद राम मिरी, समाज के संरक्षक सरजू प्रसाद घृतलहरे, सतनामी उत्थान एवं जागृति समिति के अध्यक्ष जय बहादुर बंजारे भी उपस्थित थे। समाज द्वारा मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय का शाल एवं श्रीफल भेंट कर सम्मान किया गया। मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार ध्येय वाक्य ‘‘सबका साथ, सबका विकास। सबका विश्वास और सबका प्रयास‘‘ का अनुसरण कर रही है। हमने लोगों के जीवन में खुशहाली लाने के लिए मोदी जी की गारंटी पर अमल की शुरूआत कर दी है। उन्होंने सतनामी समाज द्वारा नवा रायपुर में सामाजिक गतिविधियों के लिए जमीन की मांग के संबंध में कहा कि राज्य सरकार सतनामी समाज के विकास के लिए जो भी जरूरी सहयोग होगा करेगी। नवा रायपुर में सामाजिक गतिविधियों के लिए जमीन उपलब्ध कराने की मांग पर विचार करेंगे। गुरू बालदास साहब ने कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कहा कि हर समाज में विवाह योग्य युवक-युवतियों के परिचय सम्मेलन और आदर्श सामूहिक विवाह जैसे आयोजनों को प्रोत्साहित किया जाना चाहिए। उन्होंने समाज के सभी लोगों से ऐसे सामाजिक आयोजनों में शामिल होने का आग्रह किया। उन्होंने परिचय सम्मेलन में शामिल होने वाले युवक-युवतियों को आशीर्वाद प्रदान किया। सतनामी उत्थान एवं जागृति समिति के अध्यक्ष जय बहादुर बंजारे ने स्वागत भाषण देते हुए कहा कि उनकी समिति द्वारा 23 वर्षाें से परिचय सम्मेलन और आदर्श सामूहिक विवाह का आयोजन किया जा रहा है। ऐसे विभिन्न आयोजनों में अब तक लगभग 19 हजार 500 विवाह योग्य युवक-युवतियों ने अपना परिचय दिया। जिनमें से लगभग 65 प्रतिशत विवाह के पवित्र बंधन में बंधे। नवनिर्वाचित विधायक गुरू खुशवंत साहेब ने अतिथियों के प्रति आभार प्रकट करते हुए आयोजन की सराहना की और कहा कि ऐसे आयोजनों से समाज को लाभ मिलता है। युवक-युवतियों और उनके परिवारजनों को एक-दूसरे को जानने का अवसर मिलता है। आसानी से विवाह संबंध बनते है। और शादी- ब्याह में समय और धन की बचत होती है।
उप मुख्यमंत्री विजय शर्मा घायल जवानों से मिलने पहुंचे हॉस्पिटल। विशेष संवाददाता रायपुर रायपुर। उप मुख्यमंत्री व गृह मंत्री विजय शर्मा शनिवार को यहां निजी अस्पताल पहुंचकर उपचार करा रहे नारायणपुर-अंतागढ़ दुर्घटना में घायल जवानों से मिलकर उनके स्वास्थ्य की जानकारी ली। विदित रहे, नारायणपुर-अंतागढ़ क्षेत्र में बस पलटने से ये जवान घायल हो गए हैं, जिन्हें बेहतर इलाज के लिए हेलीकॉप्टर से रायपुर लाया गया है। उप मुख्यमंत्री व गृह मंत्री शर्मा ने प्रत्येक घायल जवानों से चर्चा की और हादसे की जानकारी ली। उन्होंने घायल जवानों के इलाज में लगे डॉक्टर्स व अन्य स्टाफ से चिकित्सा संबंधी जानकारी लेकर घायल जवानों के इलाज में कोई कसर बाकी नहीं रखने के निर्देश दिए। उन्होंने घायल जवानों को ढाँढ़स बंधाते हुए आश्वस्त किया कि किसी भी प्रकार की सहायता आदि मुहैया कराने में कोई कोताही नहीं बरती जाएगी। उन्होंने घायल जवानों के शीघ्र स्वास्थ्य लाभ की कामना की।