‘घोटाला करे AAP, शिकायत करे कांग्रेस, कार्रवाई हो तो गाली दें मोदी को’, विपक्षी एकता पर PM मोदी का प्रहार
नई दिल्ली राज्यसभा में राष्ट्रपति के अभिभाषण पर लाए गए धन्यवाद प्रस्ताव पर बोलते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि देश में तीसरी बार एनडीए की सरकार बनना ऐतिहासिक है। स्वतंत्र भारत के इतिहास और संसदीय यात्रा में कई दशकों के बाद ऐसा हुआ है कि जनता ने लगातार तीसरी बार किसी सरकार को जनादेश दिया है। पीएम मोदी ने कहा, 60 साल के बाद ऐसा हुआ है कि सरकार 10 साल तक सत्ता में रहने के बाद वापस लौटी है। मैं समझता हूं कि यह कोई सामान्य बात नहीं है। कुछ लोगों ने जानबूझकर जनता द्वारा दिए गए इस फैसले को ब्लैकआउट करने की कोशिश की। हमारे देश के लोगों ने हमें अपनी अर्थव्यवस्था को वैश्विक स्तर पर 5वें से तीसरे स्थान पर लाने का जनादेश दिया है, और मुझे पूरा विश्वास है कि हम भारत की अर्थव्यवस्था को दुनिया में शीर्ष 3 में पहुंचा कर रहेंगे। उन्होंने कहा कि इन चुनावों में हम देश की जनता की बुद्धिमता पर गर्व महसूस करते हैं। उन्होंने दुष्प्रचार को पराजित किया। उन्होंने प्रदर्शन को प्राथमिकता दी। उन्होंने छल की राजनीति को खारिज किया और विश्वास की राजनीति पर विजय की मुहर लगाई। अगले पांच साल बुनियादी सुविधाओं की संतृप्ति सुनिश्चित करने और गरीबी के खिलाफ लड़ाई के लिए है। यह देश अगले पांच वर्षों में गरीबी के खिलाफ विजयी होगा और मैं यह पिछले दस वर्षों के अनुभव के आधार पर कह रहा हूं। जब भारत दुनिया की तीसरी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बन जाएगा, तो इसका प्रभाव जीवन के हर क्षेत्र पर होगा। संविधान का अनादर किया राज्यसभा के स्पीकर ने कहा,’नेता प्रतिपक्ष ने मेरा अनादर नहीं किया उस संविधान का अनादर किया है, जिसकी शपथ उन्होंने ली है. यह कैसे हो सकता है, ये अपर हाउस. हमें देश का मार्गदर्शन करना है. मैं उनके आचरण की भर्त्सना करता हूं. सदन का मतलब है कि आपने अपनी बात कर ली तो सत्ता पक्ष की भी बात सुनो.’ जनादेश को पचा नहीं पा रहे स्पीकर जगदीप धनखड़ के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी विपक्ष के वॉकआउट पर जमकर निशाना साधा. उन्होंने कहा,’नारेबाजी हो हल्ला और मैदान छोड़कर भाग जाना यही उनके (विपक्ष) नसीब में लिखा हुआ है.140 करोड़ देशवासियों ने जो जनादेश दिया है, उसको ये पचा नहीं पा रहे हैं. कर्तव्य से बंधा हूं- पीएम मोदी पीएम मोदी ने आगे कहा,’कल इनके सारे हथकंडे फेल हो गए. आज इनमें लड़ने का हौसला भी नहीं रहा. मैं तो कर्तव्य से बंधा हुआ है. देश का सेवक हूं. उन्होंने फर्टिलाइजर को लेकर कहा कि वैश्विक संकटों की वजह से कुछ समस्याएं उत्पन्न हुईं, लेकिन हमने 12 हजार करोड़ रुपये की सब्सिडी देकर इसका असर किसानों पर नहीं पड़ने दिया.’ पीएम मोदी ने कहा कि पहले हमारे देश में छोटे किसानों को किसान क्रेडिट कार्ड योजना के माध्यम से ऋण प्राप्त करने में बड़ी कठिनाई का सामना करना पड़ता था, और बहुत कम किसानों तक इसकी पहुंच होती थी। आज हमारी नीतियों के कारण, संख्या में काफी वृद्धि हुई है। हमने किसानों को एक व्यापक भूमिका में देखा है, और किसान क्रेडिट कार्ड के विस्तार और किसानों, पशुपालकों और मछुआरों को इसके लाभों के माध्यम से हमने उनके जीवन को सुविधाजनक बनाया है, इससे कृषि क्षेत्र मजबूत हुआ है और उनके काम के लिए मजबूत समर्थन प्रदान किया गया है। विपक्ष पर हमला बोलते हुए पीएम मोदी ने कहा कि देश देख रहा है कि झूठ फैलाने वालों में सच सुनने का भी साहस नहीं है। उनमें सच का सामना करने और इतनी चर्चा के बाद उठाए गए सवालों का जवाब देने का साहस नहीं है। वे उच्च सदन की महान परंपरा का अपमान कर रहे हैं। देश की जनता ने उन्हें हर तरह से हरा दिया है, उनके पास सड़कों पर नारे लगाने, हंगामा करने और मैदान छोड़कर भाग जाने के अलावा कुछ नहीं बचा है। हम दिल्ली में मोदी की वाहवाही कर सकते थे- पीएम पीएम मोदी ने कहा कि जब जी-20 की मीटिंग हुई, हम दिल्ली में बहुत तामझाम के साथ मोदी की वाहवाही कर सकते थे लेकिन हम चाहते थे कि विश्व राज्यों के बारे में जाने. हम फेडरलिज्म में विश्वास रखते हैं. कोरोना काल में जितने मुख्यमंत्रियों से संवाद हुआ, इतने कम समय में कभी नहीं हुआ. हम ऐसी स्थिति में हैं जहां से एक नई क्रांति का नेतृत्व कर रहे हैं. सेमी कंडक्टर को लेकर राज्यों को भी नीतियां बनानी चाहिए. राज्यों में प्रतिस्पर्धा हो, गुड गवर्नेंस के साथ हो. आज जब विश्व दस्तक दे रहा है, राज्यों से आग्रह करूंगा कि आगे आइए और फायदा उठाइए. रोजगार के लिए राज्यों में प्रतिस्पर्धा क्यों नहीं होना चाहिए, युवाओं को फायदा मिलेगा. असम में सेमी कंडक्टर पर तेज गति से काम हो रहा है. इससे नॉर्थ ईस्ट को बहुत फायदा मिलने वाला है. यूएन ने 2023 को मिलेट्स ईयर के रूप में घोषित किया था. ये भारत की ताकत है. राज्य इसके लिए आगे आए. इससे किसान के लिए समृद्धि के नए द्वार खुल सकते हैं. दुनिया के लिए न्यूट्रिशियन मार्केट का सॉल्यूशन भी मिलेट में है. आरोग्य की दृष्टि से भी वैश्विक मंच पर ले जाने के लिए राज्य आगे आएं. ईज ऑफ लिविंग सामान्य नागरिक का हक है. राज्य इसके लिए आगे आएं. भ्रष्टाचार के खिलाफ हमारी लड़ाई है, इसे कई स्तर पर नीचे ले जाना पड़ेगा. राज्य अगर भ्रष्टाचार के खिलाफ बीड़ा उठाएंगे तो हम बहुत तेजी से भ्रष्टाचार से मुक्ति दिला पाएंगे. 21 वीं सदी को अगर भारत की सदी बनानी है तो एफिशिएंसी की दिशा में तेजी से काम करना होगा. मणिपुर में सौहार्द के लिए हर प्रयास कर रही है सरकार- पीएम पीएम मोदी ने कहा कि मणिपुर में हालात सामान्य बनाने के लिए सरकार प्रयासरत है. मणिपुर में हिंसा की घटनाएं लगातार कम हो रही हैं. मणिपुर में भी स्कूल-कॉलेज संस्थान खुले हुए हैं. जैसे देश में परीक्षाएं हुईं, वहां भी परीक्षाएं हुई हैं. केंद्र सरकार सभी से बातचीत करके सौहार्द का रास्ता खोलने की कोशिश कर रही है. छोटे-छोटे ग्रुपों से बात की जा रही है. गृह मंत्री वहां जाकर कई दिन रहे हैं. अधिकारी भी लगातार जा रहे हैं. समस्या के समाधान के लिए हर प्रकार से … Read more