LATEST NEWS

राहुल गांधी करेंगे ‘भारत न्याय यात्रा’, मणिपुर से 14 जनवरी से होगी शुरुआत, 6200 KM का होगा पूरा सफर

Rahul Gandhi will undertake the ‘Bharat Nyay Yatra’ starting from January 14th, beginning from Manipur. The entire journey will cover a distance of 6200 kilometers. राहुल गांधी भारत जोड़ो यात्रा पहले ही पूरी कर चुके हैं. इस यात्रा में उन्होंने कन्याकुमारी से कश्मीर तक का सफर तय किया था.नई दिल्ली ! कांग्रेस नेता राहुल गांधी ‘भारत न्याय यात्रा’ करने वाले हैं. पिछले साल सितंबर से लेकर इस साल 14 जनवरी तक भारत जोड़ो यात्रा करने के बाद अब राहुल इस नई यात्रा को करने जा रहे हैं. ‘भारत न्याय यात्रा’ लोगों को सामाजिक और आर्थिक न्याय दिलाने के लिए की जा रही है. भारत जोड़ो यात्रा की शुरुआत कन्याकुमारी से हुई थी, जो कश्मीर में जाकर खत्म हुई थी. राहुल ने इस यात्रा में दक्षिण से उत्तर का सफर किया था. वहीं, भारत न्याय यात्रा की शुरुआत पूर्वोत्तर के राज्य मणिपुर से होगी, जो पश्चिम में महाराष्ट्र की राजधानी मुंबई में जाकर खत्म होगी. इस तरह राहुल भारत न्याय यात्रा में पूर्व से पश्चिम की ओर सफर करने वाले हैं. पूरी यात्रा में 6200 किमी सफर तय किया जाएगा. ज्यादातर यात्रा बस के जरिए ही कवर की जाएगी, मगर कहीं-कहीं पैदल भी सफर किया जाएगा. भारत न्याय यात्रा को भारत जोड़ो यात्रा का दूसरा संस्कृरण बताया गया है, जिसकी शुरुआत 14 जनवरी से होगी. यात्रा में क्या होने वाला है खास? कांग्रेस पार्टी के अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे 14 जनवरी को मणिपुर में भारत न्याय यात्रा को झंडा दिखाएंगे. इस तरह यात्रा की आधिकारिक तौर पर शुरुआत हो जाएगी. ये यात्रा 20 मार्च को जाकर मुंबई में खत्म होगी. भारत न्याय यात्रा 14 राज्यों के 85 जिलों से होकर गुजरेगी. मणिपुर, नागालैंड, असम, मेघालय, पश्चिम बंगाल, बिहार, झारखंड, ओडिशा, उत्तर प्रदेश, मध्य प्रदेश, छत्तीगढ़, राजस्थान, गुजरात और महाराष्ट्र से भारत न्याय यात्रा गुजरने वाली है. कैसे आया भारत यात्रा का विचार? कांग्रेस महासचिव केसी वेणुगोपाल ने बुधवार (27 दिसंबर) को एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में भारत न्याय यात्रा को लेकर जानकारी दी. उन्होंने कहा, ’21 दिसंबर को कांग्रेस वर्किंग कमेटी ने सर्वसम्मति से अपना मत रखा कि राहुल गांधी को पूर्व से पश्चिम की ओर एक यात्रा करनी चाहिए. राहुल गांधी भी सीडब्ल्यूसी की इस इच्छा को पूरा करने के लिए तैयार हो गए.’ उन्होंने कहा, ‘ऑल इंडिया कांग्रेस कमिटी ने फैसला किया है कि 14 जनवरी से 20 मार्च तक मणिपुर से लेकर मुंबई तक भारत न्याय यात्रा की जाएगी. इस यात्रा में राहुल गांधी युवाओं, महिलाओं और हाशिए पर पड़े लोगों से मुलाकात करने वाले हैं. बस यात्रा के जरिए ज्यादा से ज्यादा लोगों तक पहुंचा जाएगा. यात्रा में कुछ छोटे हिस्से को रुक-रुक कर पैदल भी कवर किया जाएगा.’ भारत जोड़ो यात्रा क्या थी? राहुल गांधी ने सितंबर 2022 में भारत जोड़ो यात्रा की शुरुआत की थी, जो जनवरी 2023 में जाकर खत्म हुई. राहुल गांधी की यात्रा की शुरुआत 7 सितंबर को कन्याकुमारी से हुई. इस यात्रा के जरिए उन्होंने 4500 किलोमीटर से ज्यादा का सफर पैदल ही तय किया. इस यात्रा का मकसद भारत को एकजुट और देश को मजबूत करना था. कांग्रेस की इस यात्रा से उसका संगठन काफी मजबूत हुआ था. भारत जोड़ो यात्रा 30 जनवरी, 2023 को कश्मीर में जाकर खत्म हुई. भारत जोड़ो यात्रा के जरिए 12 राज्यों और 2 केंद्रशासित प्रदेशों के 75 जिलों को कवर किया गया था. ये यात्रा जिस-जिस राज्य से होकर गुजरी, उस-उस राज्य में कांग्रेस नेताओं ने इसमें हिस्सा लिया. कई प्रमुख हस्तियों को भी भारत जोड़ो यात्रा में शामिल होते हुए देखा गया था.

चेतन्य कश्यप, सरकार को वेतन वापिस करने के बजाय उस राशि को अभावग्रस्त लड़कियाँ की शिक्षा पर खर्च करें : उमा

Instead of returning the salary to the Government, the amount should be spent on the education of underprivileged girls, according to Uma Bharti. भोपाल। उमा भारती ने लिखा है कि हाल ही में मंत्री बने रतलाम के एक संपन्न जैन व्यवसायी चेतन्य काश्यप ने अपनी संपत्ति 296 करोड़ घोषित की हैं। अभी कुछ दिनों पहले मध्यप्रदेश के अखबारों में उनकी तारीफ़ लिखी गई थी कि वो अपना विधायक का वेतन नहीं लेते जोकि साल भर का क़रीब 12 लाख होता हैं । 296 करोड़ वाला व्यक्ति अगर सरकार के 12 लाख छोड़ देता है तो इसमें कौनसी बड़ी बात हैं । उन्होंने लिखा है कि चेतन्य काश्यप सरकार को वेतन वापिस करने के बजाय वह राशि अभावग्रस्त लड़कियों की शिक्षा पर खर्च करें ।उमा ने आगे लिखा है कि हमें यह याद रखना पड़ेगा कि सभी विधायक बड़े व्यवसायी नहीं होते और न वो राजनीति से अपना व्यवसाय बढ़ाते हैं।एक बार सांसद वरुण गांधी ने कहा था कि सांसदों को तनखा एवं पेंशन नहीं लेना चाहिए। वरुण गांधी ऐसा कर सकते है क्यूँकि वो हज़ारों-करोड़ों की पैतृक संपत्ति के मालिक है । अपना सर्वस्व त्यागकर राजनीति के माध्यम से जनसेवा करने वाले जनप्रतिनिधियों को हर तरह की सहूलियत सरकार से मिलनी चाहिए ।अगर विधायकों और सांसदों को ईमानदारी की राह पर चलना आसान बनाना है तो चेतन्य काश्यप जैसे पूंजीपति विधायकों को छोड़कर सभी विधायक की तनखा एवं अन्य भत्ते आज की सभी परिस्थितियों को देखकर मिलना चाहिए

श‍िवराज सिंह चौहान ने सीएम आवास खाली किया, खाली करने से पहले पूजा अर्चना की

Shivraj Singh Chouhan vacated the Chief Minister’s residence, performing a puja and ritual before the evacuation. सीएम आवास खाली करने से पहले श‍िवराज ने किए गौ माता के दर्शन, सुरक्षाकर्मियों ने दी विदाई श‍िवराज सिंह चौहान ने परिवार सहित सीएम हाउस स्थित मंदिर में की पूजा .भोपाल। मध्‍य प्रदेश के पूर्व मुख्‍यमंत्री श‍िवराज सिंह चौहान सीएम आवास खाली कर रहे हैं। पूर्व सीएम शिवराज सिंह चौहान कुछ देर में सीएम हाउस छोड़कर B8 74 बंगले में शिफ्ट हो गए।इससे पहले श‍िवराज सिंह चौहान ने परिवार सहित सीएम हाउस स्थित मंदिर में पूजा अर्चना की और गौशाला में गौ माता के दर्शन किए । इस अवसर पर सीएम हाउस में पदस्थ सुरक्षा कर्मियों ने उन्हे विदाई भी दी। धर्मपत्‍नी साधना सिंह ने भी श‍िवराज को तिलक कर और आरती उतारकर स्‍वागत किया।इस दौरान श‍िवराज ने मीडिया के सवालों के जवाब भी दिए। उन्‍होंने नए दायित्‍व के बारे में पूछे गए सवाल पर कहा कि पार्टी उन्‍हें जो भी जिम्‍मेदारी देगी वे उसे निभाएंगे।उल्‍लेखनीय है कि दिल्‍ली में श‍िवराज भाजपा के वरिष्‍ठ नेताओं से मुलाकात के बाद यह स्‍पष्‍ट हो गया है कि पार्टी उन्‍हें लोकसभा चुनाव के मद्देनजर राष्‍ट्रीय स्‍तर पर कोई महत्‍वपूर्ण दायित्‍व सौंपेगी। श‍िवराज ने भी यह कहा है कि वे फ‍िलहाल दक्षिण के राज्‍यों का दौरा करेंगे।

खून और पसीने से मिट्टी को सींच कर खिलाड़ी अपने देश के लिए मेडल लाता है, राहुल गांधी

After irrigating the soil with blood and sweat, the player brings a medal for his country. Rahul Gandhi वर्षों की जीतोड़ मेहनत, धैर्य एवं अप्रतिम अनुशासन के साथ अपने खून और पसीने से मिट्टी को सींच कर एक खिलाड़ी अपने देश के लिए मेडल लाता है। आज झज्जर के छारा गांव में भाई विरेंद्र आर्य के अखाड़े पहुंच कर ओलंपिक पदक विजेता बजरंग पूनिया समेत अन्य पहलवान भाइयों के साथ चर्चा की। सवाल सिर्फ एक है – अपने अखाड़े की लड़ाई छोड़ अगर इन खिलाड़ियों, भारत की बेटियों को अपने हक और न्याय की लड़ाई सड़कों पर लड़नी पड़े तो कौन अपने बच्चों को यह राह चुनने के लिये प्रोत्साहित करेगा? यह किसान परिवार के निश्छल, सीधे एवं सरल लोग हैं, इन्हें तिरंगे की सेवा करने दीजिए। इन्हें पूरे मान और सम्मान के साथ भारत का सर गौरव से ऊंचा करने दीजिए।

जल्द होंगी पत्रकारों के बैठने की व्यवस्था , नपा अध्यक्ष ने जताया भरोसा

Arrangements for seating of journalists will soon be made, Municipal Corporation Chairman expressed confidence आमला में जर्नलिस्ट, प्रेस एंप्लाइज ईकाई का हुआ गठन, राष्ट्रीय अध्यक्ष की मौजूदगी में ब्लाक अध्यक्ष ने कार्यकारणी की घोषणा । जल्द होंगी पत्रकारों के बैठने की व्यवस्था , नपा अध्यक्ष ने जताया भरोसा । हरिप्रसाद गोहे आमला ! सदैव पत्रकार हित में कार्य करना संगठन का मुख्य उद्देश्य है।संगठन के बैनरतले सोमवार उप नगरी बोडखी में आयोजित पत्रकार बैठक के माध्यम से पत्रकार साथियों को पद प्रदाय किए गए । पत्रकार साथी अब संगठित रहकर कार्य करेंगे एवं संगठन को मजबूती प्रदान करने का कार्य करेंगे उक्त आसय के विचार जर्नलिस्ट एंड प्रेस एंप्लाइज वेल्फेयर सोसायटी के राष्ट्रीय अध्यक्ष नरेश मांडेकर ने पत्रकारों को संबोधित कर रखे । उपस्थित गणमान्य नागरिकों के स्वागत के साथ कार्यक्रम का आगाज हुआ । वहीं संगठन के ब्लाक अध्यक्ष दीपक बरथे ने कहा संगठन के गठन के बाद त्वरित कार्यकारणी का गठन किया गया अभी यह शुरुवाती कदम है आगामी दिनों में पत्रकार हित में संगठन के बैनरतले आमला में बड़े स्तर पर कार्यक्रम का आयोजन आयोजित किया जायेगा । वहीं पंडित राजेंद्र उपाध्याय ने आमला के पत्रकारों को खल रही बैठक व्यवस्था को लेकर सार्वजनिक मंच से नपा अध्यक्ष का ध्यानाकर्षण कराया जीस बात को संज्ञान में लेकर नपा अध्यक्ष आमला नितिन गाड़रे ने नगर पालिका स्कूल के एक भवन में पत्रकारों के बैठने की व्यवस्था बनाने की बात कहीं है । जिसका पत्रकार साथियों ने तालियां बजाकर उत्साह वर्धन किया । गौरतलब हो की बीते लंबे समय से आमला विधायक से पत्रकार साथी बैठने के लिए भवन की मांग कर रहे है । जिस पर उन्होंने आश्वासन तो दिया था लेकिन समस्या का समाधान नहीं हो सका ।सदस्यता पत्रों का वितरण कर किया कार्यकारणी का गठन संगठन के बैनरतले ब्लाक अध्यक्ष दीपक बरथे द्वारा प्रांतीय अध्यक्ष नरेश मांडेकर के हस्ते पत्रकारों को सदस्यता पत्रों का वितरण कर उन्हे दायित्व सौपा गया । इस मौके पर बड़ी संख्या में पत्रकार साथी मौजूद थे । साथ ही संगठन के बैतूल इकाई सदस्य एवं नगर पालिका अध्यक्ष नितिन गाडरे, नपा उपाध्यक्ष किशोर माथनकर, नपा पार्षद पंडित राकेश शर्मा, समाज सेवी मनोज वाधवा, विनोद यादव, पंडित राजेंद्र उपाध्याय, वीरेंद्र बरथे,छन्नू बेले,मनोज विश्वकर्मा आदि मौजूद रहे । कार्यक्रम का सफल मंच संचालन सुमित महतकार ने किया एवं आभार ब्लाक अध्यक्ष दीपक बरथे ने माना ।

मंत्री बनने के बाद अब मोहन सरकार को विभाग बंटवारे में आ रहा पसीना.

After becoming a minister, Mohan Sarkar is now breaking a sweat over the departmental allocations. भोपाल। मंत्रिमंडल विस्तार के बाद मोहन कैबिनेट की पहली बैठक मंत्रालय में हुई। बैठक में मुख्यमंत्री मोहन यादव ने कहा कि सभी वरिष्ठ और अनुभवी हैं। हमें मिलकर काम करना है। संकल्प पत्र प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की गारंटी है। अधिकारियों को संकल्प पत्र की प्रक्रिया की जा चुकी है और सबसे कार्य योजना बनाने के लिए दे दिया है। सोमवार को 28 मंत्रियों की शपथ के बाद मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने अपने कैबिनेट के सहयोगियों के साथ मंगलवार को मंत्रालय में बैठक की। हालांकि यह बैठक बिना एजेंडे की भी, इसमें सभी ने एक दूसरे को बधाई दी। इस बैठक के साथ ही यह सुगबुगाहट तेज हो गई है कि मंत्रियों के विभागों को बंटवारा मंगलवार शाम तक हो सकता है। सीनियर मंत्रियों को नहत्वपूर्ण विभाग की जिम्मेदारी दिए जाने की भी चर्चा जोरों पर हैं।जानकारी के मुताबिक बैठक में प्रदेश के विकास और विकसित भारत संकल्प यात्रा पर चर्चा हुई। विकसित भारत संकल्प यात्रा प्रदेशभर में शुरू हो चुकी है। अब मंत्रयों की जिम्मेदारी तय होगी कि वे जिलों में विकसित भारत संकल्प यात्रा को सफल बनाने के लिए काम करें। इसके लिए लोगों से संवाद और उनको केंद्र सरकार की योजनाओं का लाभ दिलाने के लिए कहा जाएगा, ताकि चुनाव के पहले सभी लोकसभा क्षेत्रों में शतप्रतिशत हितग्राहियों को लाभ मिल सके।

बदलाव की राह पर भाजपा ने लगाई मुहर

On the path of change, the BJP has stamped its approval. उदित नारायण भोपाल। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के मंत्रिमंडल में जिस तरह लगभग दो तिहाई नए चेहरों को पहली बार शामिल किया, वह भाजपा द्वारा बदलाव की राह लाने जैसा है। विजय शाह, विश्वास सारंग प्रदुम्न तोमर तुलसी सिलावट ,करण सिंह वर्मा को छोड़कर किसी ऐसे मंत्री को मौका नहीं दिया गया है, जो लंबे समय तक मंत्रिमंडल में रहा हो। भाजपा का यह बदलाव नए नेतृत्व को उभारने का प्रयोग है। जिसका प्रभाव आने वाले वर्षों में देखने को मिलेगा। इस बदलाव से कुछ अनुभवी और वरिष्ठ मंत्री मौका पाने से चूक गए, तो डेढ़ दर्जन नए चेहरों को मौका मिला। परंपरागत राजनीति करने और देखने वालों को इससे हैरत हुई होगी, लेकिन यथास्थिति में बदलाव किसी भी राजनीतिक दल के जीवंत रहने के लिए आवश्यक होता है। भाजपा ने 2023 के विधानसभा चुनाव में जीत के बाद मध्यप्रदेश, छत्तीसगढ़ व राजस्थान में जिस तरह नेतृत्व परिवर्तन और मंत्रिमंडल में जो बदलाव किया, वह नए तरह की राजनीति है। बदलाव तो हार के बाद किया जाता रहा है और बंपर जीत के बाद यथास्थितिऔर मजबूत होती आई है। भाजपा ने जीत के बाद बदलाव कर भविष्य में हार की आशंका को खारिज करने का प्रयास किया है। मध्यप्रदेश में भाजपा थोड़े अंतराल से दो दशक लगातार सत्ता में है और अगले पांच साल का सफर जारी है। मंत्रिमंडल में लगातार लंबे समय तक मंत्री रहने वालों को बदलकर नए चेहरों को मौका देने से एकतरफ जहां एकरसता टूटती है, वहीं पार्टी कैडर में यह विश्वास जागता है कि उन्हे भी आने वाले समय में मौका मिल सकेगा।

मंत्रिमंडल में जगह न मिलने पर गोपाल भार्गव की प्रतिक्रिया

Gopal Bhargav’s reaction to not getting a place in the cabinet. भोपाल। गोपाल भार्गव को मोहन यादव मंत्रिमंडल में जगह नहीं मिली है। जिसके बाद उन्होंने पोस्‍ट कर प्रतिक्रिया दी। हालांकि बाद में यह पोस्ट उन्होंने डिलीट कर दी। सोमवार को हुए मंत्रिमंडल गठन में 18 मंत्रियों ने पद और गोपनीयता की शपथ ली। हालांकि इसमें नौवीं बार विधायक बनने वाले गोपाल भार्गव को जगह नहीं मिली है। वे रहली सीट से विधायक हैं। इससे पहले गोपाल भार्गव शिवराज सरकार में मंत्री रह चुके हैं। वहीं गोपाल भार्गव को मंत्री न बनाए जाने को लेकर कई अटकलें लगाई जा रही है। इसी बीच गोपाल भार्गव ने सोशल मीडिया पर पोस्‍ट कर अपना पक्ष रखा है। हालांकि गोपाल भार्गव ने यह पोस्‍ट बाद में डिलीट कर दी। अब इस पोस्‍ट का स्‍क्रीन शॉट सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। क्‍या लिखा था पोस्‍ट मेंवायरल हो रही पोस्‍ट में गोपाल भार्गव ने लिखा कि, ‘आज मप्र राज्य के मंत्री परिषद् का पूर्ण रूपेण गठन हो गया है, मैं नवनियुक्त मंत्रीगणों को अपनी ओर से शुभकामनाएं प्रेषित करता हूं। प्रदेश भर से मेरे समर्थक मुझसे पूछ रहे हैं कि ऐसा क्या हुआ है कि आपको मंत्री मंडल में नहीं लिया गया? मैंने उनसे कहा 40 वर्षों के लंबे राजनीतिक जीवन में अब तक पार्टी ने जो भी जिम्मेदारियां दी है उनको समर्पित भाव से पूर्ण किया है और आगे भी करते रहने के लिए संकल्पित हूं इसलिए आज मंत्रिपरिषद के गठन में पार्टी द्वारा लिए गए निर्णय का मैं स्वागत करता हूं। पद आते-जाते रहते हैं, पद अस्थायी हैं, पर जन विश्वास स्थाई है, इतने वर्षों तक मैंने अपने क्षेत्र और प्रदेश की जो सेवा की है वह मेरी पूंजी और धरोहर है। मेरे क्षेत्र ने मुझे प्रदेश का सबसे वरिष्ठ 9वीं बार विधायक बनाया जो देश में दुर्लभ एवं अपवाद है, मुझे 70% वोट देकर 73000 वोटों से जिताया यह ऋण मेरे ऊपर है। मैं जब तक इस क्षेत्र का विधायक रहूँगा कोई कमी या अभाव नहीं रहने दूंगा। राजनीतिक दलों के अपने-अपने फार्मूले हैं। सामाजिक, क्षेत्रीय कारण हैं जिनके आधार पर पद दिए जाते हैं, उसके भीतर जाने या जानने में मेरी कोई रुचि नहीं है इसलिए मैं मौन हूं। खाली समय में अब में प्रदेश में समाज को संगठित कर समाज उत्थान के लिए कार्य करूंगा।’

मंत्रिमंडल विस्तार में सभी को साधने की कोशिश

Efforts to accommodate everyone in cabinet expansion मंत्रिमंडल विस्तार में सभी को साधने की कोशिश, 50 फीसदी नए विधायकों को मिला मौका— प्रथम पेज मंत्रिमंडल विस्तार में सात सामान्य, 12 ओबीसी व बाकी एससी-एसटी विधायक बने मंत्री भोपाल। माेहन कैबिनेट में आज से 28 मंत्री और जुड़ गए। मंत्रिमंडल विस्तार में 18 कैबिनेट, 6 स्वतंत्र प्रभार राज्य मंत्री व 4 राज्य मंत्री बनाए गए हैं। इन मंत्रियों में 11 ऐसे हैं, जो मंत्री रह चुके हैं। इसमें से 6 मंत्री ऐसे हैं, जो पिछली भाजपा सरकार में भी मंत्री थे। मंत्रियों की कुल संख्या के हिसाब से 50 फीसदी नए विधायकों को मंत्री बनाया गया है। करीब 20 फीसदी यानी कुल 5 महिलाएं कैबिनेट व राज्य मंत्री बनी है। तीन ऐसे मंत्री भी हैं, जो लोकसभा सांसद या केंद्रीय मंत्री रह चुके हैं। ग्वालियर, भोपाल, इंदौर व दमोह से दो-दो मंत्री व बाकी जिलों से एक-एक मंत्री बने हैं।मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने मंत्रिमंडल विस्तार में क्षेत्रीय, जातीय व जिलेवार संतुलन को साधने की पुरजोर कोशिश की है। मंत्रिमंडल विस्तार में 7 सामान्य, 12 ओबीसी व बाकी एससी-एसटी विधायकों को मंत्री बनाया गया है। इसके लिए हालांकि स्थानीय संगठन व संघ पदाधिकारियों से लेकर नई दिल्ल्ाी में राष्ट्रीय अध्यक्ष, केंद्रीय मंत्रियों से चर्चा की गई। इस विस्तार में मप्र से मुख्यमंत्री यादव के अलावा किसी की नहीं चली। पुराने मंत्रियों को दरकिनार करने की मुख्य वजह क्षेत्रीय संतुलन व उनके पुराने परफारमेंस व अंदरूनी रिपोर्ट को देखा गया। इसमें भी क्षेत्रीय संतुलन भारी रहा। सूची फायनल करने में तीन बार दिल्ली के चक्कर लगाने पड़े-मंत्रियों के नाम फायनल करने में मुख्यमंत्री को पिछले 12 दिनों में तीन बार दिल्ल्ाी के चक्कर लगाने पड़े। कैबिनेट, स्वतंत्र प्रभार व राज्यमंत्रियों के चयन में दोनों उप मुख्यमंत्रियों के साथ ही संघ नेताओं व प्रदेश अध्यक्ष को तवज्ज्ाों दी गई। सूत्रों के मुताबिक पिछले 48 घंटे में ही कई तरह के बदलाव करने पड़े। कुछ मामलों में तो वरिष्ठ नेताओं के दबाव को भी दरकिनार कर दिया गया। संगठन का स्पष्ट कहना था कि चूंकि सभी को मंत्री नहीं बनाया जा सकता। ऐसे में नए विधायकों पर ज्यादा भरोसा जताया गया।  कई मामलों में चौकानें वाले निर्णय लिए गए-भोपाल जिले से चार दावेदार थे। किंतु दो को ही मंत्री बनाया जा सकता था। मुख्यमंत्री ने वही निर्णय लिया। रायसेन जिले से पिछली बार डॉ. प्रभुराम चौधरी मंत्री थे, इस बार उन्हें मौका नहीं दिया गया। जबकि पुराने भाजपाई, पहली बार के विधायक नरेंद्र शिवाजी पटेल को मंत्री बनाया गया। नरेंद्र के पिता शिवा जी पटेल करीब 20 वर्ष पहले भाजपा के जिलाध्यक्ष रह चुके हैं। वे अब हालांकि नहीं हैं, किंतु उन्ाके बेटे को मौका दिया गया। सागर जिले में दो कद्दावर मंत्रियों गोपाल भार्गव व भूपेंद्र सिंह को मंत्रिमंडल में स्थान नहीं मिला, जबकि इनमें से भूपेंद्र सिंह को मंत्री बनाने की पूरी संभावना थी। हो सकता है लोकसभा चुनाव में इस पर ध्यान दिया जाए। इसीतरह बैतूल जिला पूरी तरह से अछूता रहा। यहां से एक भी विधायक को मंत्री नहीं बनाया गया। नए विधायकों पर बड़ी जवाबदारी -मंत्रिमंडल में 50 फीसदी नए विधायकों को मंत्री पद दिया गया है। इस हिसाब से मुख्यमंत्री यादव ने पुरानाें के साथ ही नए विधायकों पर भरोसा जताया है। हालांकि इनमें से कई ऐसे हैं, जो दो-दो बार के विधायक हैं। कैबिनेट मंत्रियों में चार विधायक ऐसे हैं, जो पहली बार मप्र विधानसभा का टिकट लेकर चुनाव लड़े और विधायक बने। हालांकि यह सभी केंद्र में जरूर सांसद और मंत्री थे। अब उन्हें प्रदेश में भी बड़ी जिम्म्ोदारी दी गई है। अभी भी हालांकि विधानसभा की कुल संख्या के हिसाब से 15 फीसदी यानी कुल 34 मंत्री बनाए जा रहे हैं। इस तरह से तीन मंत्री और बनाए जा सकते हैं। मंत्रिमंडल में यह बने कैबिनेट, स्वतंत्र प्रभार व राज्य मंत्री बने-राजभवन में आज सोमवार को गरिमामय माहौल में दोपहर बाद 3.30 बजे राज्यपाल मंगू भाई पटेल ने मंत्रियों को शपथ दिलाई। मंत्रिमंडल शपथ ग्रहण कार्यक्रम का आयोजन राजभवन के सांदीपनि सभागार में किया गया था। इस अवसर पर मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव व वरिष्ठ भाजपा व संघ के नेता मौजूद थे। शपथ विधि का संचालन मुख्य सचिव श्रीमती वीरा राणा ने किया। शपथ ग्रहण समारोह को काफी सीमित रखा गया था। इसीलिए काफी लोगों को आमंत्रण नहीं दिया गया। इस मौके पर विधानसभा अध्यक्ष नरेन्द्र सिंह तोमर, केन्द्रीय नागरिक उड्डयन मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया, पूर्व मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान, उप मुख्यमंत्री जगदीश देवड़ा, उप मुख्यमंत्री राजेन्द्र शुक्ल, सांसद एवं प्रदेश अध्यक्ष भाजपा वीडी शर्मा एवं अन्य जनप्रतिनिधि, वरिष्ठ अधिकारीगण उपस्थित थे।कैबिनेट मंत्री -1-प्रदुम्न सिंह तोमर, ग्वालियर2-तुलसी सिलावट, इंदौर3- एंदल सिंह कसाना, मुरैना4-नारायण सिंह कुशवाह, ग्वालियर5-विजय शाह, खंडवा6-राकेश सिंह, जबलपुर7-प्रह्लाद पटेल, नरसिंहपुर8-कैलाश विजयवर्गीय, इंदौर-19-करण सिंह वर्मा, इछावर, सीहोर10-संपतिया उईके, मंडला11-राव उदय प्रताप सिंह, गाडरवारा, नर्मदापुरम12-निर्मला भूरिया, पेटलावद झाबुआ13-विश्वास सारंग, नरेला भोपाल14-गोविंद सिंह राजपूत, सुरखी सागर15-इंदर सिंह परमार, शाजापुर16-नागर सिंह चौहान, अलीराजपुर17-चैतन्य कश्यप, रतलाम18-राकेश शुक्ला, मेहगांव भिंड। राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार )19-कृष्णा गौर, गोविंदपुरा भोपाल20-धर्मेंद्र लोधी, जबेरा दमोह21-दिलीप जायसवाल22-गौतम टेटवाल23- लखन पटेल, दमोह24- नारायण पवार, राजगढ़। राज्यमंत्री -25–राधा सिंह, चितरंगी सीधी26-प्रतिमा बागरी, रैगांव सतना27-दिलीप अहिरवार, चंदला छतरपुर28-नरेन्द्र शिवाजी पटेल, उदयपुरा, रायसेन।

पटवारी ने एनएसयूआई को दिया टारगेट

Patwari gave target to NSUI भोपाल। कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष जीतू पटवारी ने सोमवार को प्रदेश कांग्रेस मुख्यालय में सेवादल और एनएसयूआई की बैठक ली। पटवारी ने सबसे पहले मप्र भारतीय राष्ट्रीय छात्र संगठन के जिला अध्यक्षों से संवाद किया। सुबह 11 बजे शुरू हुई यह चर्चा 2 बजे तक चली। इसमें पीसीसी चीफ ने एनएसयूआई की आगामी गतिविधियों और लोकसभा चुनाव पर रणनीति बनाई। कार्यकर्ताओं को निर्देश दिए गए हैं कि कालेज और विश्वविद्यालय में कांग्रेस की विचारधारा के साफ फर्स्ट टाइम वोटर्स को जोड़ा जाए। वहीं एनएसयूआई के कार्यकर्ताओं को भरोसा दिलाते हुए कहा कि सड़कों पर प्रदर्शन में शामिल होंगे। भले ही सड़क लाठियां खानी पड़े, इसके लिए भी वो तैयार हैं। पटवारी ने सेवादल के प्रदेश पदाधिकारियों, जिला मुख्य संगठकों के साथ बैठक की। इसमें सेवादल की गतिविधियों और लोकसभा चुनाव पर बातचीत हुई। पटवारी ने कांग्रेस के दोनों विभागों से उनके पिछले कामों का भी हिसाब लिया। बता दें, पटवारी संगठन में कसावट के लिए लगातार चार दिनों तक बैठक करेंगे। 24 दिसंबर से शुरू ये बैठकें 27 तक चलेंगी। पटवारी मंगलवार को प्रदेश कांग्रेस कार्यालय में ही प्रदेश कांग्रेस के सभी जिला अध्यक्ष, जिला प्रभारी और प्रदेश पदाधिकारियों के साथ बैठक की है। इस दौरान वे सभी से विधानसभा चुनाव में हुई गड़बड़ियां और काम काज का हिसाब लिया। इसके साथ आगामी लोकसभा चुनाव को लेकर भी बातचीत की। सभी जिला अध्यक्ष, जिला प्रभारी और पदाधिकारियों के साथ अध्यक्ष बनने के बाद पटवारी की यह दूसरी बैठक है। इस लिहाज से इस बैठक को अति महत्वपूर्ण माना जा रहा है। पूर्व राष्ट्रपति डॉ. शंकर दयाल शर्मा की 24वीं पुण्यतिथि

मंत्रिमंडल की पहली बैठक जारी, जल्द हो सकता है विभागों का बंटवारा

The first cabinet meeting is underway; the distribution of departments among ministers may happen soon. 2024 मार्च में लोकसभा चुनाव की घोषणा हो सकती है, ऐसे में नई सरकार के पास काम करने के लिए अब केवल दो महीने का समय है। भोपाल। मंत्रिमंडल विस्तार के बाद मोहन कैबिनेट की पहली बैठक मंत्रालय में हो रही है। इसमें मंत्रियों का अधिकारियों से परिचय कराया जा रहा है। 18 विधायक पहली बार मंत्री बने हैं। बैठक में अपर मुख्य सचिव सहित वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित हैं। बैठक से पहले सुबह सीएम मोहन यादव ने पूर्व मुख्‍यमंत्री श‍िवराज सिंह चौहान से मुलाकात की। माना जा रहा है कि जल्द ही मंत्रियों को विभागों का बंटवारा भी किया जा सकता है। मुख्यमंत्री सचिवालय के अधिकारियों ने बताया कि मुख्यमंत्री, मंत्रियों के साथ बैठक में संकल्प पत्र को प्राथमिकता में रखकर लक्ष्य की पूर्ति के संबंध में चर्चा करेंगे। वह पहले ही सभी विभाग प्रमुखों को कार्ययोजना बनाने के निर्देश दे चुके हैं। लोकसभा चुनाव को ध्यान में रखते हुए मंत्रियों को समन्वय के साथ लक्ष्य बनाकर काम करना है।अगले साल 2024 मार्च में लोकसभा चुनाव की घोषणा हो सकती है, ऐसे में नई सरकार के पास काम करने के लिए अब केवल दो महीने का समय है। भाजपा के संकल्प पत्र की घोषणाओं को पूरा किया जाएगा।

पोस्टिंग के लिए, अफसरों ने तेज की मंत्रियों की ‘बंगला परिक्रमा’ यात्रा. 

For postings, officers conducted a ‘bungalow inspection’ tour of ministers with speed. गुलदस्ते के साथ पहुंचे, भरोसा जीतने के लिए कई ने पुराने के कामों का ब्यौरा, वरिष्ठ आईएएस और पुलिस मुख्यालय में पदस्थ वरिष्ठ आईपीएस अफसरों की धड़कने तेज, पोर्टफोलियों के बाद नेता पोस्टिंग के लिए करेंगे सिफारिश . उदित नारायण भोपाल। प्रदेश नई सरकार के गठन के साथ ही ब्यूरोक्रेट्स की धड़कनें तेज हो गई है। जिलों के कलेक्टर और पुलिस अधीक्षकों से लेकर मंत्रालय में पदस्थ वरिष्ठ आईएएस और पुलिस मुख्यालय में पदस्थ वरिष्ठ आईपीएस अफसरों की भी धड़कने तेज हो गई कि उन्हें मलाईदार पोस्टिंग मिलेगी या नहीं मिलेगी। हालांकि कुछ अफसरों ने बंगला परिक्रमा शुरू कर दी है। अफसर गुलदस्ते के साथ मंत्रियों के बंगलों पर पहुंचने लगे हैं। कई अफसरों ने अपनी उपब्धियों की भी ब्यौरा भी पेश किया है। मंत्रियों ने भी अफसरों का मान रखा है और भरोसा दिलाया है। मध्य प्रदेश में ऐसे कई ब्यूरोक्रेट्स हैं, जो पिछल कई समय से सत्ता के बहुत करीबी थे, इसके चलते उन्होंने लगातार अच्छी पोस्टिंग मिल रही थी। अब जब मुख्यमंत्री बदल गए हैं तो ऐसे सभी अफसरों की बैचेनी बढ़ गई है। ऐसे अफसर अब नए मुख्यमंत्री की टीम में अपनी अच्छी पोस्टिंग को लेकर सक्रिय होने के रास्ते खोज रहे हैं। इसमें इन्हें कितनी सफलता मिलेगी यह तो उनकी प्राशसनिक सर्जरी में स्पष्ट हो जाएगा। हालांकि पिछले दिनों आधा दर्जन अफसरों के तबादले से जाहिर है कि बड़े स्तर पर फेरबदल किया जाएगा। जानकारी है कि अब पोर्टफोलियो मंत्रियों के बाद भी पोस्टिंग के लिए सिफारिश शुरू हो जाएगा।  लूप लाइन के अफसरों को दिन फिरने की उम्मीद – लंबे अरसे से लूप लाइन में पदस्थ आईपीएस-आईएएस को अब अपने दिन फिरने की उम्मीद जागी है। प्रदेश में ऐसे कई अफसर हैं, जो पिछली सरकार में अपनी पैठ नहीं बना सके थे, नतीजे में वे अच्छी पोस्टिंग से दूर थे। अब वे भी अच्छी पोस्टिंग पाने के प्रयास में लग गए हैं। पिछले साल में पूर्व सीएस की गुड लिस्ट शामिल नहीं थे। इसलिए बड़े जिलों से हटाकर निगम और मंडलों में बैठा दिया था। एसीएस, पीएस से लेकर कलेक्टर्स में पोस्टिंग को लेकर बैचेनी- एक दर्जन कलेक्टर ऐसे हैं जो पिछली सरकार के करीबी थे, अब इस सरकार में उनकी ट्यूनिंग कैसी होगी, इसे लेकर ब्यूरोक्रेसी में जमकर चर्चा है। इन्हें जिलों से हटाया जाएगा या इन्हें फिलहाल पदस्थ रखा जाएगा इसे लेकर अफसरों की धड़कने तेज हो चली है। ये सभी आईएएस अधिकारी नई सरकार में अपने कनेक्शन को तलाश रहे हैं। साथ ही अफसर नए हुकुमरानो को यह भी समझा रहे हैं कि वे पार्टी की विचारधारा से कितने प्रभावित है और किस हद तक जुड़े हुए हैं।

क्रिसमस डे, का धीरेंद्र कृष्‍ण शास्त्री ने किया विरोध

Dhirendra Krishna Shastri opposed Christmas Day सांता क्लाज बनाने की जगह बच्चों को राम मंदिर लेकर जाओ, धीरेंद्र कृष्‍ण शास्त्री ने कहा उन्होंने ईसाई पूजा पद्धति पर टिप्पणी करते कहा कि जब दो प्रतिशत लोग हमारी रामनवमी नहीं मनाते तो हम 98 प्रतिशत लोग उनका त्योहार क्यों मनाएं। कटनी ! बागेश्वर धाम के कथावाचक पंडित धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री ने सोमवार को यहां पुरैनी में बागेश्वर धाम आश्रम का भूमिपूजन किया। इस अवसर पर आयोजित धर्मसभा में उन्होंने ईसाई पूजा पद्धति पर टिप्पणी करते कहा कि जब दो प्रतिशत लोग हमारी रामनवमी नहीं मनाते तो हम 98 प्रतिशत लोग उनका त्योहार क्यों मनाएं। सांता क्लाज को सांता क्रूज़ में भेज दिया जाए। क्रिसमस पर सांता क्लाज बनाने की जगह बच्चों को राम मंदिर लेकर जाओ, तिलक लगाओ, बच्चों को वहां गिफ्ट दो।इससे तुम्हारी पीढ़ी व पूर्वज प्रसन्न होंगे, बालक संस्कारी बनेगा। उन्होंने कहा कि हम किसी मजहब के विरोधी नहीं हैं। हकीकत है कि हम अपने धर्म के कट्टर हैं। 22 जनवरी को भगवान श्रीराम अयोध्या में विराजित हो रहे हैं, यह हमारे लिए गर्व की बात है।

मध्य प्रदेश में 18 कैबिनेट मंत्री, 6 राज्य मंत्री स्वतंत्र प्रभार और 4 राज्य मंत्रियों ने ली शपथ.

In Madhya Pradesh, 18 Cabinet Ministers, 6 Ministers of State with independent charge, and 4 State Ministers took the oath. राज्यपाल ने सबसे पहले विजय शाह, कैलाश विजयवर्गीय, पहलाद सिंह पटेल, राकेश सिंह, करण सिंह वर्मा और राव उदय प्रताप सिंह को मंत्री पद की शपथ दिलाई। प्रहलाद सिंह पटेल, कैलाश विजयवर्गीय, राकेश सिंह बने कैबिनेट मंत्री। तुलसीराम सिलावट, एंदल सिंह कंसाना, निर्मला भूरिया, गोविंद सिंह राजपूत कैबिनेट मंत्री। पहली बार की विधायक कृष्णा गौर भी बनीं मंत्री। भोपाल। मध्य प्रदेश के राज्यपाल मंगुभाई पटेल राजभवन में मंत्रियों को पद और गोपनीयता की शपथ दिलवा रहे हैं। राज्यपाल ने सबसे पहले विजय शाह, कैलाश विजयवर्गीय, पहलाद सिंह पटेल, राकेश सिंह, करण सिंह वर्मा और राव उदय प्रताप सिंह को कैबीनेट मंत्री पद की शपथ दिलाई। इनके बाद संपतिया उइके, तुलसीराम सिलावट, एंदल सिंह कंसाना, निर्मला भूरिया, गोविंद सिंह राजपूत और विश्वास सारंग, नागर सिंह चौहान, नारायण सिंह कुशवाह, प्रद्युमन सिंह तोमर, राकेश शुक्ला, चेतन काश्यप और इंदर सिंह परमार को कैबीनेट मंत्री पद की शपथ दिलाई। इन्हें मिला स्वतंत्र प्रभारकृष्णा गौर, धर्मेंद्र लोधी, दिलीप जायसवाल, गौतम टेटवाल, लखन पटेल और नारायण सिंह पवार ने राज्य मंत्री स्वत्रंत प्रभार की शपथ ली।ये बने राज्य मंत्रीनरेश शिवाजी पटेल, प्रतिमा बागड़ी, राधा सिंह और दिलीप अहिरवार को राज्यमंत्री पद की शपथ दिलाई। करण सिंह वर्मा और विजय शाह आठवीं बार चुनाव जीते हैं जबकि कैलाश विजयवर्गीय सात बार चुनाव जीते हैं, प्रहलाद सिंह पटेल पहली बार विधानसभा चुनाव जीते हैं। तुलसीराम सिलावट छठवीं, एंदल सिंह कंसाना और निर्मला भूरिया पांचवीं बार विधायक बने हैं। सीएम मोहन यादव ने कहा कि आज राज्यपाल मंगुभाई पटेल से मुलाकात हुई। उन्होंने कहा, महामहिम हमारे नए मंत्रीमंडल को शपथ दिलाएंगे। पीएम नरेंन्द्र मोदी, गृह मंत्री अमित शाह, भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा के नेतृत्व में और सभी वरिष्ठ नेताओं के मार्गदर्शन में नया मंत्रिमंडल गठन के साथ प्रदेश के बेहतरी के लिए काम करेगा।

slot server thailand super gacor

spaceman slot gacor

slot gacor 777

slot gacor

Nexus Slot Engine

bonus new member

olympus

situs slot bet 200

slot gacor

slot qris

link alternatif ceriabet

slot kamboja

slot 10 ribu

https://mediatamanews.com/

slot88 resmi

slot777

https://sandcastlefunco.com/

slot bet 100

situs judi bola

slot depo 10k

slot88

slot 777

spaceman slot pragmatic

slot bonus

slot gacor deposit pulsa

rtp slot pragmatic tertinggi hari ini

slot mahjong gacor

slot deposit 5000 tanpa potongan

mahjong

spaceman slot

https://www.deschutesjunctionpizzagrill.com/

spbo terlengkap

cmd368

368bet

roulette

ibcbet

clickbet88

clickbet88

clickbet88

bonus new member 100

slot777

https://bit.ly/m/clickbet88

https://vir.jp/clickbet88_login

https://heylink.me/daftar_clickbet88

https://lynk.id/clickbet88_slot

clickbet88

clickbet88

https://www.burgermoods.com/online-ordering/

https://www.wastenotrecycledart.com/cubes/

https://dryogipatelpi.com/contact-us/

spaceman slot gacor

ceriabet link alternatif

ceriabet rtp

ceriabet

ceriabet link alternatif

ceriabet link alternatif

ceriabet login

ceriabet login

cmd368

sicbo online live

Ceriabet Login

Ceriabet

Ceriabet

Ceriabet

Ceriabet

casino online

clickbet88

login kudahoki88

Ceriabet

Ceriabet

Ceriabet