प्रदेश में ट्रांसफरो का दौर जारी, आठ IPS अधिकारियों का ट्रांसफर
Round of transfers continues in the state, transfer of eight IPS officers
Round of transfers continues in the state, transfer of eight IPS officers
“Capacity Building Program” organized on the theme “Happy Classroom” हरिप्रसाद गोहे आमला । नगर के भीमनगर क्षेत्र स्थित प्राइवेट शैक्षणिक संस्थान लाइफ कैरियर सीनियर सेकेंडरी सीबीएसई स्कूल में केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड के निर्देशानुसार कैपेसिटी बिल्डिंग प्रोग्राम का आयोजन किया गया ! यह कार्यक्रम सीबीएसई स्कूल प्रिंसिपल और मास्टर ट्रेनर कविता त्रिवेदी के मुख्य आतिथ्य प्राचार्य एवं ट्रेनर अनिल अहिरवार के विशिष्ट आतिथ्य एवं संगीता यादव की अध्यक्षता में आयोजित किया गया ! मुख्य अतिथि और मास्टर ट्रेनर कविता त्रिवेदी ने बताया कि अध्यापकों की क्षमता को निखारने के लिए “हैप्पी क्लासरूम” विषय पर “कैपेसिटी बिल्डिंग प्रोग्राम ” का आयोजन किया गया ! जिसमें बैतूल जिले के लगभग पचास शिक्षक- शिक्षिकाओं ने भाग लिया और एक दिवसीय कार्यशाला से लाभान्वित हुए ! इसमें उपस्थित ट्रेनर ने अलग-अलग गतिविधियों के माध्यम से शिक्षक -शिक्षिकाओं को सीबीएसई में नई शिक्षा नीति से संबंधित जानकारी एवं शिक्षा नीति मे आए बदलावों से अवगत कराया ! जहां श्री अहिरवार ने शिक्षा नीति में आए परिवर्तनों की जानकारी व परिवर्तन की आवश्यकता को बताया ! वही श्रीमती त्रिवेदी ने हास्य व्यंग, चार्ट, ड्राइंग व विभिन्न रचनात्मक गतिविधियों के माध्यम से शिक्षक- शिक्षिकाओं को नई नीतियों व स्कूल में कक्षा के माहौल, शिक्षक व छात्र के मध्य सामंजस्य तथा पालक व शिक्षक के बीच सामंजस्य कैसा हो जैसी महत्वपूर्ण जानकारी दी , उन्होंने यह भी कहा कि कक्षा का वातावरण आनंदमय होना चाहिए और आनंदमय माहौल के लिए पहले स्वयं शिक्षक को खुश होना चाहिए क्योंकि जो स्वयं खुश होगा वह दूसरों को खुश रख सकता है एवं उसकी कार्य क्षमता बेहतर होती है तथा उसके कार्य में रचनात्मक भी शामिल होती है l अंत में उन्होंने अपनी सिखाई जानकारी का मूल्यांकन शिक्षक- शिक्षिकाओ के अभिनय मंचन के माध्यम सेकिया ! श्रीमती त्रिवेदी व श्री अहिरवार ने अंत में सभी को शुभकामनाएं प्रेषित कर समय के अनुरूप स्वयं को ढालने व स्वयं को निरंतर गतिशील रखने को कहा !
Misled in getting government job in health department by giving fake certificate कटनी। सरकारी नौकरियों में फर्जीवाड़े के किस्से अक्सर सामने आते रहते है जिनमे न्यायालय के आदेश पर कार्यवाही भी होती है। इसके बावजूद भी फर्जीवाड़ा कम होने का नाम नही ले रहा। ताजा मामला बड़वारा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र से जुड़ा हुआ है जहा एक आरटीआई कार्यकर्ता ने स्वास्थ्य विभाग को हायर सेकंडरी के फर्जी प्रमाणपत्र के आधार पर नौकरी पाने वाले शख्स को उजागर किया है। आरटीआई कार्यकर्ता कमल शर्मा ने बताया की एसपी पाटकर नामक व्यक्ति ने बोर्ड मार्कशीट लगाकर एमपीडब्लू की पोस्ट हासिल की थी। आरटीआई के जरिए स्वास्थ्य विभाग द्वारा दी गई जानकारी से बात उजागर हुई है की एस पी पाटकर ने जो मार्कशीट लगाई थी उसमे किसी भी तरह की सील मुहर, या प्राचार्य के साइन नहीं है।वही फर्जी दस्तावेज से नौकरी करने वाला सुदर्शन प्रसाद पाटकर बड़वारा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में सुपरवाइजर के पद पर आसीन है। यह मामला अपने आप में बेहद संगीत है। आरटीआई एक्टिव विस्ट द्वारा उपलब्ध कराए गए दस्तावेजों को अगर सही माने तो कई वर्षों से बड़वारा में सदस्य सुपरवाइजर शासन की आंखों में धूल झोंक रहा है। इस मामले की सूक्ष्म जांच कराए जाने से सारी सच्चाई सामने आ सकती है।इनका कहना हैइस पूरे मामले को लेकर बातचीत करते हुए खुद सुदर्शन पाठ करने कहा कि आगजनी की एक घटना में मेरे सभी दस्तावेज जलकर खाक हो गए हैं। मेरे द्वारा किसी तरह का कोई फर्जी बाड़ा नहीं किया गया है। जांच कराई जानी चाहिए जिससे मामला स्पष्ट हो सके।
Action is being taken on war footing against adulterators एफ.आई.आर सहित लायसेंस निलंबन और दुकानों को सील करने का सिलसिला जारी कटनी । खाद्य पदार्थों में मिलावट गंभीर अपराध है। जिले में इसे रोकने के लिये सख्त कार्यवाही का सिलसिला जारी है। कलेक्टर अवि प्रसाद के निर्देश पर जिले में चल रहे मिलावट से मुक्ति अभियान के तहत जहां कई प्रतिष्ठानों को सील किया जा चुका है। वहीं कई मामलों में एफ.आई.आर भी दर्ज कराई गई है। साथ ही अर्थदण्ड भी किया गया है।जिले के इतिहास में मिलावट खोरो के विरूद्ध हो रही युद्ध स्तर पर सख्त कार्यवाही से हड़कंप की स्थिति है। कई प्रतिष्ठानों के लायसेंस और पंजीयन भी निलंबित किये गये हैं।न्याय निर्णायक अधिकारी एवं अतिरिक्त जिला दंडाधिकारी द्वारा खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम 2006 की धारा 96 के तहत दो अनुज्ञप्तिधारियों द्वारा अधिरोपित की गई शस्ति की राशि आदेश उपरान्त भी जमा नहीं किये जाने पर भू-राजस्व के बकाया के रूप में वसूल करने एवं शस्ति संदाय होने तक की अवधि तक के लिए दोनों अनुज्ञप्ति की अनुज्ञप्ति लायसेंस निलंबित किये जाने का आदेश पारित किया है। अतिरिक्त जिला दण्डाधिकारी द्वारा जारी आदेश मे तहसीलदार कटनी नगर को उक्त राशि की मांग कायम कर वसूली की कार्यवाही करनें तथा अनुज्ञापन प्राधिकारी को लायसेंस निलंबन की कार्यवाही पूर्ण कर इस न्यायालय को अवगत कराने हेतु निर्देशित किया है। खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम 2006 की धारा 96 के अधीन अधिरोपित कोई शस्ति, यदि उसका संदाय नहीं किये जाने पर भू-राजस्व के बकाया के रूप में वसूल करने और शस्ति का संदाय होने तक व्यतिक्रमि की अनुज्ञप्ति निलंबित रखे जानें का प्रावधान है।उल्लेखनीय है कि मध्यप्रदेश शासन द्वारा खाद्य सुरक्षा अधिकारी, खाद्य सुरक्षा प्रशासन विरूद्ध राजकुमार तीर्थानी पुत्र पेशुराम तीर्थानी निवासी शम्भू टॉकीज के सामने, नई बस्ती कटनी प्रो प्रा. मेसर्स आर.वी. इन्टरप्राईजेज नई बस्ती कटनी के राजस्व प्रकरण पारित आदेश को इस न्यायालय द्वारा खाद्य सामग्री नॉवल्टी आईसकीम का विक्रय मिथ्याछाप पाए जाने पर 50 हजार रूपये की शस्ति अधिरोपित की गई थी। अनावेदक द्वारा उक्त अधिरोपित राशि जमा कर चालान की प्रति इस न्यायालय में प्रस्तुत नही की गई। एक अन्य प्रकरण में मध्यप्रदेश शासन द्वारा खाद्य सुरक्षा अधिकारी, खाद्य सुरक्षा प्रशासन विरूद्ध जगदीश चांदवानी पिता श्री गिरधारी लाल चांदवानी, निवासी जगमोहन दास वार्ड नई बस्ती कटनी, प्रो प्रा, मेसर्स न्यू सुमित किराना भण्डार, सुक्खन चौक, रघुनाथ गंज कटनी के राजस्व प्रकरण मे पारित आदेश को इस न्यायालय द्वारा खाद्य सामग्री पायल गोल्ड मिक्स गरम मसाला बिना पंजीयन,अवमानक एवं मिथ्याछाप पाए जाने पर अधिरोपित 30 हजार रूपये जमा नहीं किया गया और न ही चालान की प्रति न्यायालय में प्रस्तुत की गई। राजकुमार तीर्थानी पुत्र पेशुराम तीर्थानी निवासी शम्भू टॉकीज के सामने, नई बस्ती कटनी प्रोप्रा, मेसर्स आर.वी. इन्टरप्राईजेज तथा अनुज्ञप्तिधारी जगदीश चांदवानी पिता गिरधारी लाल चांदवानी, निवासी जगमोहन दास वार्ड नई बरती कटनी प्रो प्रा. मेसर्स न्यू सुमित किराना भण्डार, को अधिरोपित राशि जमा करने के संबंध में न्यायालय द्वारा पुनः नोटिस तामील कराया गया, किन्तु अनावेदक के द्वारा अधिरोपित राशि जमा नहीं की गई है और न ही अधिरोपित राशि जमा करने के संबंध में इस न्यायालय को कोई सूचना नहीं दिए जाने पर उक्त कार्यवाही की गई है।
Deepak Joshi in the mood to return home, Arunoday Choubey from Sagar can also join BJP भोपाल। मध्यप्रदेश की सियासत से फिर बड़ी खबर सामने आ रही है। पूर्व सीएम कैलाश जोशी के बेटे और भाजपा से तीन बार विधायक रहे दीपक जोशी सोमवार को एक बार फिर भाजपा में शामिल हो सकते हैं। दीपक विधानसभा चुनाव 2023 से पहले कांग्रेस में शामिल हो गए थे। दीपक जोशी के साथ पन्ना गुनौर से कांग्रेस विधायक रहे शिवदयाल बागरी और सागर की खुरई सीट से विधायक रहे अरुणोदय चौबे भी भाजपा की सदस्यता ले सकते हैं। विधानसभा चुनाव के ठीक पहले कांग्रेस जॉइन ली थी बता दें कि 2020 में केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया के साथ देवास जिले की हाटपिपल्या से कांग्रेस विधायक मनोज चौधरी ने भाजपा जॉइन की थी। दीपक जोशी को हराकर मनोज चौधरी विधायक बने थे। चौधरी के बीजेपी में आने के बाद दीपक जोशी को चुनाव लड़ने के लिए टिकट की संभावना नहीं बची थी। दीपक ने तत्कालीन शिवराज सरकार पर अपने पिता स्वर्गीय कैलाश जोशी के स्मारक बनवाने में उदासीनता बरतने और खुद की उपेक्षा के आरोप लगाकर बीजेपी छोड़ दी थी। विधानसभा चुनाव के ठीक पहले दीपक ने कांग्रेस जॉइन कर ली थी। एक दिन पहले: अरुणोदय चौबे का चुनाव लड़ने से इनकार बता दें कि एक दिन पहले रविवार को सागर जिले के खुरई से पूर्व विधायक और कांग्रेस नेता अरुणोदय चौबे ने चुनाव लड़ने से इनकार कर दिया है। अरुणोदय को सागर लोकसभा सीट से कांग्रेस का दावेदार बताया जा रहा था। अरुणोदय ने फेसबुक पर लिखा है कि व्यक्तिगत कारणों से सागर लोकसभा सीट से अपना नाम वापस ले रहा हूं। पूर्व मुख्यमंत्री कमलनाथ और प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी को अवगत करा दिया है। मेरे नाम पर विचार नहीं किया जाए।
State government will give a bonus of Rs 125 per quintal on the purchase of wheat. लोकसभा चुनाव की घोषणा से पहले मोहन यादव कैबिनेट की अंतिम बैठक आयोजित हुई। जिसमें कई अहम फैसले लिए गए। भोपाल। लोकसभा चुनाव की घोषणा से पहले मध्य प्रदेश की मोहन यादव कैबिनेट की अंतिम बैठक आज आयोजित की गई। बैठक के बाद कैबिनेट मंत्री कैलाश विजयवर्गीय ने कैबिनेट के निर्णयों की जानकारी दी। पूरे प्रदेश में साइबर तहसील लागू करने के निर्णय का अनुसमर्थन किया गयामध्य प्रदेश में 13 नर्सिंग महाविद्यालय खोले जाएंगेउज्जैन में मेडिकल कॉलेज और 100 बिस्तर के लिए अस्पताल लगभग 600 करोड़ रुपये की स्वीकृति दी गई।पीएम श्री एंबुलेंस सेवा का अनुमोदन कैबिनेट ने किया। जिसमें एक हेलीकॉप्टर और हवाई जहाज रहेगा। जिसके पास आयुष्मान का कार्ड होगा। उसे निश्शुल्क ले जाने की सुविधा होगी। मरीज कौन होगा, इसका निर्णय कलेक्टर सीएमओ करेंगे। यदि कोई व्यक्ति निजी अस्पताल में इलाज कराने जाएगा तो उसके लिए एक शुल्क रखा जाएगा।गेहूं के उपार्जन के लिए 30 हजार करोड़ रुपये की प्रतिभूति होती की गारंटी सरकार ने दी है।प्रदेश सरकार गेहूं के उपार्जन पर प्रति क्विंटल 125 रुपए का बोनस देगी। अभी 2 हजार 275 रुपये समर्थन मूल्य है उसके ऊपर यह राशि मिलेगी उज्जैन में आईआईटी इंदौर का कैंपस कॉलेज खोलने की स्वीकृति दी गई।प्रधानमंत्री जनमन योजना के अंतर्गत बैगा, भारिया सहरिया के आवास पर विद्युतीकरण कराया जाएगा।
Umang expressed objection on the appointment of Lokayukta, wrote a letter to the government लोकायुक्त की नियुक्ति संबंधित अधिसूचना निरस्त करने की मांग भोपाल। संभवत: पहली बार ऐसा हुआ है कि लोकायुक्त की नियुक्ति में संसदीय परंपरा का पालन नहीं किया गया। राज्य सरकार ने लोकायुक्त के नियुक्ति के आदेश जारी कर दिए पर नेता प्रतिपक्ष से कोई सहमति नहीं ली गई। सरकार द्वारा लोकायुक्त की नियुक्ति हेतु अपनाई गई उक्त प्रकिया विधि संगत न होकर अवैध है। लोकायुक्त पद पर नियुक्ति के संबंध में आवश्यक शर्त मध्यप्रदेश लोकायुक्त एवं उप-लोकायुक्त अधिनियम, 1981 की धारा 3 (1) के परंतुक (क) में परिभाषित है। नेता-प्रतिपक्ष उमंग सिंघार ने बताया कि वे अब राज्यपाल पत्र लिखकर अपनी आपत्ति दर्ज कराएंगे।नेता प्रतिपक्ष ने प्रेस को जारी अपने बयान में कहा है कि लोकायुक्त की नियुक्ति निश्चित् रूप से जनहित का कार्य है। सरकार द्वारा एक नाम पर अपना अंतिम निर्णय लेकर लोकायुक्त नियुक्ति की अधिसूचना 9 मार्च 2024 को जारी कर दी गई है, जिसमें मुझ नेता प्रतिपक्ष से कोई परामर्श नहीं लिया गया है। सरकार द्वारा लोकायुक्त की नियुक्ति हेतु अपनाई गई उक्त प्रकिया विधि संगत न होकर अवैध है। राज्यपाल द्वारा लोकायुक्त पद पर नियुक्ति मुख्य न्यायाधीश उच्च न्यायालय और मुझ नेता प्रतिपक्ष से परामर्श लेने के उपरांत ही की जाना चाहिए। इसीलिए मेरे द्वारा सरकार को पत्र लिखकर यह अपील की है कि सरकार द्वाराविधि की प्रक्रिया का पालन किये बिना लोकायुक्त की नियुक्ति के संबंध में अवैध रूप से जारी अधिसूचना 9 मार्च 24 तत्काल प्रभाव से निरस्त की जाए। नेता प्रतिपक्ष के रूप में सरकार द्वारा किये गए अवैध कार्य पर मेरी मौन स्वीकृति जनतंत्र एवं जनहित में नहीं होगी। नेता प्रतिपक्ष ने कहा है कि सरकार से मैंने यह भी अनुरोध किया है कि लोकायुक्त नियुक्ति की प्रकिया पुनः विधि अनुसार संपादित कर मेरे परामर्श उपरांत ही की जाए।