LATEST NEWS

भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष व खजुराहो सांसद विष्णुदत्त शर्मा का राहुल गांधी के बयान पर प्रतिक्रिया

To save their lives in the 1984 riots, people of the Sikh community shaved their beards and took off their turbans: VD Sharma

1984 के दंगों में अपनी जान बचाने सिख समुदाय के लोगों ने दाढ़ी कटवाई,पगड़ी उतारी: वीडी शर्मा To save their lives in the 1984 riots, people of the Sikh community shaved their beards and took off their turbans: VD Sharma भोपाल। भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष व खजुराहो सांसद विष्णुदत्त शर्मा ने कांग्रेस नेता राहुल गांधी द्वारा अपनी अमेरिकी यात्रा के दौरान सिख समुदाय को लेकर देश के खिलाफ दिए गए बयान की आलोचना करते हुए निंदा की है। भाजपा प्रदेश अध्यक्ष व सांसद शर्मा ने कहा कि अमेरिकी यात्रा के दौरान राहुल गांधी ने भारत में रहने वाले सिखों के बारे में गलत बयान देकर अमेरिका में रहने वाले सिख समुदाय को गुमराह किया है। शर्मा ने कहा कि राहुल गांधी ने अमेरिका में कहा है कि भारत में सिख समुदाय तनाव में जीते हैं। उन्हें पगड़ी, कड़ा-कृपाण पहनने में दिक्कत होती है। जबकि सच्चाई यह है कि भारत में रहने वाले सिख समुदाय के लोग हमेशा से कड़ा-कृपाण पहन कर गर्व महसूस करते हैं और देश के हर हिस्से में भ्रमण करते हैं। शहरों से लेकर देश के दूरदराज इलाकों में भी सिख भाईयों को पगड़ी पहन कर अपना-अपना काम करते हम देखते हैं। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी जब भी गुरूद्वारा गए हैं, तब वे पगड़ी पहनकर गुरूद्वारा गए। सिख समुदाय को गर्व है कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी जी के नेतृत्व की सरकार में सिख समुदायों की लंबित मांगों को पूरा करते हुए करतारपुर साहिब जाने का रास्ता खुलवाया। दशम गुरू गोविंद सिंह के शहजादों के बलिदान को “वीर बाल दिवस” के रूप में मनाने का निर्णय लिया।कांग्रेस शासनकाल में अपनी जान बचाने सिख समुदाय ने पगड़ी उतारी व दाढ़ी कटवाई थीभाजपा प्रदेश अध्यक्ष विष्णुदत्त शर्मा ने कहा कि वर्ष 1984 में राहुल गांधी के पिता राजीव गांधी के प्रधानमंत्री रहते सिख समुदाय का सामूहिक नरसंहार किया गया, जिसमें करीब 3000 से अधिक सिख भाई-बहनों का कत्लेआम किया गया था। उस समय आगजनी की गयी थी और सिखों को घरों से खींचकर जिंदा जला दिया गया था। उस वक्त कई सिख भाईयों ने जिंदा रहने के लिए अपनी पगड़ी तक उतार दी थी और दाढ़ी-बाल कटवा लिए थे। राजीव गांधी ने कहा था कि “बड़ा पेड़ गिरता है तो धरती हिलती है।“ सिखों के नरसंहार में संलिप्त लोगों के खिलाफ चार्जशीट फाइल की गयी थी और लंबे समय बाद सिख दंगे के दोषियों को तब सजा हुई, जब माननीय प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व की सरकार बनी।दुनिया को सिख दंगों की सच्चाई बताना चाहिए, लेकिन वे सिखों को गुमराह कर रहे हैंभाजपा प्रदेश अध्यक्ष व सांसद विष्णुदत्त शर्मा ने कहा कि राहुल गांधी विदेशी धरती पर देश को बदनाम करने का अभियान चला रहे हैं। वे दुनिया के समक्ष भारत की यह सच्चाई नहीं रखते हैं कि भारत में मजबूत लोकतंत्र है। भारत लोकतंत्र की जननी है। दुनिया को सच्चाई बताने के बदले राहुल गांधी अमेरिका में रहने वाले सिख समुदाय को गुमराह कर रहे हैं। कभी राहुल गांधी कहते हैं कि भारत में बेरोजगारी बहुत बड़ी समस्या है, जबकि भारत विश्व की पांचवीं सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था है। राहुल गांधी अंतर्राष्ट्रीय निवेशकों को देश के प्रति भ्रमित कर रहें हैं। राहुल गाँधी को थोड़ा ज्ञान होता तो देश पर जब-जब मुसीबत आयी है, तब आगे बढ़कर देशहित में कार्य करने वाले राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ जैसे संगठन के खिलाफ बयानबाजी नहीं करते। राहुल गांधी अब एक आम नागरिक नहीं हैं, बल्कि लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष हैं, फिर भी वे विदेशी धरती पर भारत के खिलाफ बयानबाजी करते रहते हैं। राहुल गांधी भारत की न्यायिक व्यवस्था, निर्वाचन आयोग, प्रशासनिक व्यवस्था समेत देश के सभी संवैधानिक संस्थानों के खिलाफ बोलते रहते हैं। राहुल गांधी ने अपनी पार्टी के एकाउंट फ्रीज होने पर देश के प्रशासनिक तंत्र पर हमला बोला था, लेकिन उसकी सच्चाई लोगों के सामने नहीं बताई।राहुल गांधी देश की एकता व अखंडता के खिलाफ खतरनाक नैरेटिव सेट कर रहेराहुल गांधी के बयान के पीछे उनके सलाहकार सैम पित्रोदा हैं। पित्रोदा कहते हैं कि राहुल गाँधी अब पप्पू नहीं रहे। वे पप्पू रहें या न रहें, उनको क्यों इस तरह से अलंकृत किया गया, हमें इसमें कोई रूचि नहीं है, लेकिन चिंता का विषय यह है कि राहुल गांधी के सलाहकार कहते हैं कि भारत एक देश नहीं है। उनके अनुसार, जो लोग नार्थ से आते हैं, वे अफगानिस्तान से आते हैं और नार्थ-ईस्ट के लोग चाइनीज के समकक्ष हैं। जिस तरह के विचार वाले लोगों के साथ राहुल गांधी रहते है, इसलिए जब राहुल गाँधी ओछी बातें करते हैं, तो आश्चर्य नहीं होता। पिछले कई सालों में राहुल गांधी द्वारा दिए गए बयान को एक दूसरे से जोड़कर देखें, तो उससे स्पष्ट होता है कि राहुल गांधी को कई बातों की समझ नहीं है। कई ऐसे मुद्दे हैं, जिसमें राष्ट्र की पहचान, विविधता के साथ एकता और अखंडता के विषय शामिल होते हैं। राहुल गांधी देश की विविधता के साथ एकता और अखंडता के मुद्दों पर बहुत ही खतरनाक नैरेटिव सेट करने की कोशिश कर रहे हैं।

छत्तीसगढ़ महिला कांग्रेस भरेंगी हुंकार, 10 सितंबर को सीएम निवास का करेंगी घेराव

Chhattisgarh Mahila Congress will roar, will surround CM residence on September 10

Chhattisgarh Mahila Congress will roar, will surround CM residence on September 10 रायपुर । छत्तीसगढ़ की महिला कांग्रेस बड़े प्रदर्शन की तैयारी में है। महिला कांग्रेस जल्द ही मुख्यमंत्री निवास का घेराव करेंगी। इसे लेकर महिला कांग्रेस की प्रदेश अध्यक्ष एवं राज्यसभा सांसद फूलोदेवी नेताम ने राजीव भवन में प्रेस वार्ता की। इस दौरान फूलोदेवी ने मुख्यमंत्री निवास का घेराव करने की जानकारी दी। मुख्यमंत्री निवास का घेराव करेगी कांग्रेस प्रेस वार्ता में फूलोदेवी नेताम ने कहा कि, प्रदेश में आए दिन महिलाओं के साथ अत्याचार व गैंगरेप की घटनाएं बढ़ती जा रही है और पुलिस प्रशासन भी काम नहीं कर रही। इस कमजोर कानून व्यवस्था से महिलाएं अपने आपको असुरक्षित महसूस कर रही है। प्रदेश की महिलाएं भयभीत है, डरी और सहमी हुई है। इन मुद्दों को लेकर प्रदर्शन करेगी कांग्रेस फूलोदेवी नेताम ने कहा कि, रायपुर नया बस स्टैंड में 50 साल की महिला के साथ दुष्कर्म हुआ। 4 साल की के साथ भिलाई में दुष्कर्म हुआ। प्रदेश में दुष्कर्म के मामले बढ़ते ही जा रहे है। लेकिन राज्य सरकार कोई कड़ी कार्रवाई नहीं कर रही है। दूसरे दिन रिपोर्ट लिखा जाता है और सामूहिक दुष्कर्म को नकार दिया गया। बलात्कार की रिपोर्ट लिखी गई और यहां पुलिस अपराधियों को सजा देने के बजाय उन्हें बचाने में लगी है। बस्तर, जशपुर, रायगढ़, बिलासपुर, अंबिकापुर एवं राजधानी रायपुर में दुष्कर्म की घटनाओं से महिलायें भयभीत है। महिलायें घर से बाहर निकलने में खुद को असुरक्षित महसूस कर रही है। सबसे चौकाने वाली घटना भिलाई में 5 जुलाई को डीपीएस स्कूल में 4 साल की मासूम बच्ची के साथ हुई। बिना एफआईआर के एसपी ने घटना को नकार दिया गया जबकि पास्को एक्ट में प्रावधान है कि ऐसी कोई भी घटना होने पर सबसे पहले एफआईआर लिखते है उसके बाद जांच की जाती है। भिलाई के बच्ची के साथ दुराचार के मामले में दो डॉक्टरों ने अपनी रिपोर्ट में कहा गया कि बच्ची के निजी अंगो में चोट आई है। डॉक्टरों ने गंभीर छेड़छाड़ की आशंका जताई। उसके बाद भी एसपी मामले को नकारते रहे। 5 जुलाई को घटना होती है लेकिन कांग्रेस पार्टी के द्वारा विरोध करने के बाद भाजपा सरकार दबाव में आकर अब जाकर लगभग दो महिने वाद 4 सितम्बर को एफआईआर दर्ज करती है। 10 सितंबर को मुख्यमंत्री निवास का घेराव प्रेस वार्ता में फूलोदेवी नेताम ने कहा कि, महिलाओं की सुरक्षा के लिए कांग्रेस आवाज उठाएगी। महिला कांग्रेस स लेकर सदन तक लड़ाई लड़ेगी। नेताम ने बताया कि महिला कांग्रेस 10 सितंबर को मुख्यमंत्री निवास का घेराव क इस दौरान प्रदेश में जितने भी बलात्कार व अत्याचार के मामले उजागर हुए है उसे लेकर आवाज उठाएंगी।

उत्तर प्रदेश महिला आयोग के अध्यक्ष पद पर मुलायम सिंह यादव की बड़ी बहु बबीता चौहान की नियुक्ति

Appointment of Babita Chauhan to the post of Chairperson of Uttar Pradesh Women's Commission.

Appointment of Babita Chauhan to the post of Chairperson of Uttar Pradesh Women’s Commission. रमेश अग्रवाललखनऊ ! उत्तर प्रदेश सरकार ने आगरा की बबीता चौहान को राज्य महिला आयोग का अध्यक्ष नियुक्त किया है। इसके साथ ही अपर्णा यादव और चारू चौधरी को उपाध्यक्ष पद पर मनोनीत किया गया है। मंगलवार को इस संबंध में अधिसूचना जारी की गई। बबीता चौहान भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) महिला मोर्चा की उत्तर प्रदेश इकाई की उपाध्यक्ष रही हैं और आगरा के हरिपर्वत की निवासी हैं। अपर्णा यादव, समाजवादी पार्टी (सपा) के संस्थापक मुलायम सिंह यादव की पुत्रवधू और प्रतीक यादव की पत्नी हैं। वह विधानसभा चुनाव से पहले सपा छोड़कर भाजपा में शामिल हुई थीं। वहीं, चारू चौधरी गोरखपुर की पूर्व महापौर अंजू चौधरी की पुत्रवधू हैं, जो पहले उत्तर प्रदेश महिला आयोग की उपाध्यक्ष भी रह चुकी हैं। महिला कल्याण विभाग की प्रमुख सचिव लीना जौहरी की ओर से जारी अधिसूचना के अनुसार, राज्यपाल ने इन सभी को एक वर्ष की अवधि के लिए पदभार सौंपा है, जिसे राज्य सरकार द्वारा बढ़ाया भी जा सकता है।

राहुल गांधी ने वायनाड में भूस्खलन पीड़ितों के लिए किया एक माह का वेतन दान, लोगों से भी मदद करने को कहा

Rahul Gandhi donated one month's salary for landslide victims in Wayanad, asked people to help too

Rahul Gandhi donated one month’s salary for landslide victims in Wayanad, asked people to help too पिछले 30 जुलाई को केरल के वायनाड में बड़ी प्राकृतिक आपदा आई थी. यहां आए भूस्खलन में 200 लोगों की मौत हो गई. कई गांव तबाह हो गए. कांग्रेस सांसद राहुल गांधी ने आज यहां के पीड़ितों की मदद के लिए अपना एक माह का वेतन दान दे दिया है. वायनाड के भूस्खलन पीड़ितों के लिए कांग्रेस सांसद और लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने बड़ा कदम उठाया है. राहुल गांधी ने दरियादिली दिखाते हुए अपने एक महीने का वेतन पीड़ितों की मदद के लिए दान दे दिया है. राहुल गांधी ने एक महीने की सैलरी यानी 2.3 लाख की मदद राशि केरल प्रदेश कांग्रेस कमेटी के खाते में दान दी है. इस बाबत राहुल गांधी ने सोशल मीडिया पर एक पोस्ट भी शेयर की. उन्होंने लिखा- वायनाड में हमारे प्रिय भाइयों और बहनों को विनाशकारी त्रासदी का सामना कर रहा है. राहुल गांधी ने आगे लिखा- इस संकट की घड़ी में उन्होंने भारी नुकसान झेला है. उनको हमारे जैसे लोगों की मदद की सख्त दरकार है. वायनाड के पीड़ितों को नुकसान से उबरने के लिए हमारे समर्थन की जरूरत है. राहुल गांधी ने सोशल मीडिया एक्स पर लिखा कि मैंने प्रभावित लोगों की राहत और पुनर्वास के प्रयासों में मदद के लिए अपने पूरे महीने का वेतन दान कर दिया है. देश के जिम्मेदार नागरिकों से अपीलराहुल गांधी ने इसी के साथ देशवासियों से भी मदद की अपील की. उन्होंने कहा कि मैं देश के ईमानदार और संवेदनशील भाइयों से आग्रह करता हूं कि वे जो कुछ भी कर सकते हैं, इस संकट में जरूर योगदान दें. राहुल गांधी ने कहा कि हर छोटे से बदलाव से फर्क पड़ता है. वायनाड हमारे देश का एक खूबसूरत हिस्सा है और हम मिलकर यहां के उन लोगों के जीवन को फिर से पटरी पर लाने में मदद कर सकते हैं. यहां आई आपदा में लोगों ने बहुत कुछ खो दिया है. राहुल गांधी ने इसी के साथ कहा कि मददगार हमारी पार्टी के ऐप के जरिए सुरक्षित तरीके से अपना योगदान दे सकते हैं. उन्होंने लिखा- स्टैंड विद वायनाड. केरल प्रदेश कांग्रेस कमेटी ने मदद राशि जमा करने के लिए नौ सदस्यों की समिति का गठन किया और एक ऐप भी बनाया है. केरल कांग्रेस ने कहा कि इच्छुक लोग सीधे डोनेशन भेज सकते हैं. 30 जुलाई को वायनाड में आई त्रासदीकेरल के वायनाड में पिछले 30 जुलाई को एक बड़ा भूस्खलन आया था. जिससे भारी तबाही मची थी. इस हादसे में 200 लोगों की मौत हो गई थी. कई लोग लापता भी हो गए थे. भूस्खलन के बाद यहां के कुछ गांव बुरी तरह से प्रभावित हुए थे. जिसके बाद राहुल गांधी ने त्रासदी में बेघर हुए लोगों के लिए 100 घर बनवाने का वादा किया था.

मुख्यमंत्री डॉ. यादव के पिताजी के अवसान पर राजनेताओं ने व्यक्त की शोक संवेदनाएं

Politicians expressed condolences on the demise of Chief Minister Dr. Yadav's father. ujjain mp

Politicians expressed condolences on the demise of Chief Minister Dr. Yadav’s father. मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के पिताजी सेठ श्री पूनमचंद यादव के अवसान से राजनैतिक, प्रशासनिक और आमजन में शोक व्याप्त है। कर्नाटक के राज्यपाल श्री थावरचंद गहलोत, उत्तरप्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ, छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय, राजस्थान के मुख्यमंत्री श्री भजनलाल शर्मा, मुख्यमंत्री महाराष्ट्र श्री एकनाथ शिंदे, केन्द्रीय कृषि एवं किसान कल्याण व ग्रामीण विकास मंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान, केन्द्रीय मंत्री संचार तथा पूर्वोत्तर क्षेत्र विकास मंत्री श्री ज्योतिरादित्य सिंधिया, केन्द्रीय श्रम एवं रोजगार मंत्री तथा युवा कार्यक्रम एवं खेल मंत्री डॉ. मनसुख मांडविया, पूर्व मुख्यमंत्री श्री दिग्विजय सिंह, पूर्व मुख्यमंत्री श्री कमलनाथ, सांसद श्री वी.डी. शर्मा, विभिन्न राजनैतिक दलों के वरिष्ठ जनप्रतिनिधियों ने सोशल मीडिया पर तथा मुख्यमंत्री डॉ. यादव से भेंट कर शोक संवेदनाएं व्यक्त की हैं। सोशल मीडिया पर शोक संवेदनाओं का क्रम जारी है। उत्तरप्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सोशल मीडिया पर जारी संदेश में बाबा महाकाल से दिवंगत पुण्यात्मा को अपने श्रीचरणों में स्थान देने की प्रार्थना की है। राजस्थान के मुख्यमंत्री श्री भजनलाल शर्मा तथा छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने अपने संदेश में गहरी संदेवनाएं व्यक्त करते हुए प्रभु से दिवंगत आत्मा को अपने श्रीचरणों में स्थान देने और परिजनों को इस दु:ख की घड़ी में संबल प्रदान करने की प्रार्थना की है। केन्द्रीय कृषि मंत्री श्री चौहान ने शोक संवेदना व्यक्त करते हुए सोशल मीडिया पर जारी संदेश में लिखा है कि सिर से पिता का साया उठ जाना जीवन की अपूरणीय क्षति है। दुःख की इस विकट घड़ी में मेरी संवेदना शोकाकुल परिजनों के साथ हैं। पूज्य पिताजी भले ही भौतिक रूप से साथ नहीं हैं, किंतु उनके आशीर्वाद की छांव सदैव रहेगी। बाबा महाकाल दिवंगत पुण्यात्मा को अपने श्रीचरणों में स्थान दें। पूर्व मुख्यमंत्री श्री दिग्विजय सिंह तथा पूर्व मुख्यमंत्री श्री कमलनाथ ने भी मुख्यमंत्री डॉ. यादव के पिताजी सेठ पूनमचंद यादव के निधन पर शोक व्यक्त करते हुए दिवंगत आत्मा को अपने श्रीचऱणों में स्थान देने की ईश्वर से प्रार्थना की है। उप मुख्यमंत्री छत्तीसगढ़ श्री अरुण साव, पूर्व मुख्यमंत्री छत्तीसगढ़ श्री रमन सिंह, लोकसभा सदस्य श्री जगदम्बिका पाल ने भी सोशल मीडिया शोक संवेदना व्यक्त की। केन्द्रीय मंत्री श्री चौहान, केंद्रीय मंत्री श्री ज्योतिरादित्य सिंधिया, विधानसभा अध्यक्ष श्री नरेन्द्र सिंह तोमर, उप मुख्यमंत्री श्री जगदीश देवड़ा, उप मुख्यमंत्री श्री राजेन्द्र शुक्ल, सांसद श्री वी.डी. शर्मा, नगरीय विकास एवं आवास, संसदीय कार्य मंत्री श्री कैलाश विजयवर्गीय, कौशल विकास एवं रोजगार राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) एवं उज्जैन के प्रभारी मंत्री श्री गौतम टेटवाल, जल संसाधन मंत्री श्री तुलसीराम सिलावट, मंत्री श्री राव उदयप्रताप सिंह, कृषि मंत्री श्री ऐदल सिंह कंषाना, अपर मुख्य सचिव डॉ. राजेश राजौरा, अपर मुख्य सचिव श्री एस.एन. मिश्रा, प्रमुख सचिव श्री संजय शुक्ला, प्रमुख सचिव श्री राघवेन्द्र कुमार सिंह, आयुक्त जनसंपर्क श्री सुदाम खाड़े, डी.जी पुलिस श्री सुधीर कुमार सक्सेना सहित अनेक वरिष्ठ जनप्रतिनिधि, अधिकारियों तथा उज्जैनवासियों ने मुख्यमंत्री डॉ. यादव के उज्जैन स्थित निवास पहुंचकर शोक संवेदना व्यक्त की तथा अंतिम यात्रा में शामिल हुए।

फिल्म इमरजेंसी पर जबलपुर हाई कोर्ट ने लगाई रोक, सेंसर बोर्ड ने कहा- अभी सर्टिफिकेट नहीं दिया

Jabalpur High Court put a stay on the film Emergency, Censor Board said - certificate has not been given yet

Jabalpur High Court put a stay on the film Emergency, Censor Board said – certificate has not been given yet जीतेंद्र श्रीवास्तवभोपाल ! फिल्म ‘इमरजेंसी’ 6 सितंबर को सिनेमाघरों में दस्तक नहीं देगी. क्योंकि फिल्म की रिलीज पर एक बार फिर रोक लग गई है. कंगना रनौत की फिल्म पर जबलपुर हाईकोर्ट में सुनवाई हुई. जहां इस रोक लगा दी गई. दरअसल अभी फिल्म के लिए सिर्फ ऑनलाइन सर्टिफिकेट सीरियल नम्बर ही जारी किया गया है लेकिन अभी इसे सेंसर बोर्ड की ओर से सर्टिफिकेट नहीं दिया गया है. यही नहीं कंगना की ‘इमरजेंसी’ के ट्रेलर पर भी रोक लगा दी गई है. दरअसल फिल्म के खिलाफ सिख समुदाय के कुछ लोगों ने और प्रतिनिधियों ने फिल्म के कुछ सीन को लेकर आपत्ति जताई है. उन्होंने फिल्म के खिलाफ याचिका दायर की और इसकी स्क्रीनिंग पर रोक लगाने की बात कही, जिस पर हाईकोर्ट ने विचार करने के निर्देश दिए. इसके साथ ही यह भी कहा गया है कि अगर फिल्म रिलीज होने के बाद भी कोई आपत्ति होती है, तो याचिकाकर्ता कोर्ट आ सकते हैं. बॉम्बे हाईकोर्ट में सुनवाई‘इमरजेंसी’ को रिलीज कराने और सेंसर सर्टिफिकेट की मांग को लेकर फिल्म की को-प्रोड्यूस कंपनी जी इंटरटेनमेंट इंटरप्राइजेज ने बॉम्बे हाई कोर्ट का दरवाजा खटखटाया. बॉम्बे हाईकोर्ट में याचिका दाखिल कर ली है. दायर याचिका में दावा किया कि सेंसर बोर्ड ने मनमाने तरीके और अवैध रूप से फिल्म का सेंसर सर्टिफिकेट रोका है. याचिका को तुरंत सुनवाई के लिए जस्टिस बी पी कोलाबावाला और फिरदौस पूनावाला की खंडपीठ के सामने रखा गया, जिस पर आज सुनवाई होगी. पंजाब में विरोध प्रदर्शनकंगना की इमरजेंसी को लेकर लंबे समय से विवाद चल रहा है. उनकी फिल्म के खिलाफ पंजाब में जबरदस्त विरोध प्रदर्शन हो रहा है. सिख समुदाय के लोगों का कहना है कि फिल्म में उनकी गलत छवि दिखाई गई है और तथ्यों को तोड़-मरोड़कर पेश किया गया है. ‘इमरजेंसी’ में कंगना रनौत पूर्व प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी के किरदार में नजर आएंगी. इस फिल्म की स्टोरी की बात करें तो यह 1975 में लगी ‘इमरजेंसी’ पर आधारित है. कंगना के अलावा फिल्म में अनुपम खेर, श्रेयस तलपड़े, महिमा चौधरी भी अहम रोल निभाते दिखाई देंगे.

DNA का फुल फॉर्म तो जान लेते… योगी के आरोप पर अखिलेश यादव ने कसा तंज?

Had you known the full form of DNA… Akhilesh Yadav took a jibe at Yogi's allegation?

Had you known the full form of DNA… Akhilesh Yadav took a jibe at Yogi’s allegation? मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के मैनपुरी में दिए ‘डीएनए’ वाले बयान पर पूर्व मुख्यमंत्री और समाजवादी पार्टी के मुखिया अखिलेश यादव ने पलटवार करते हुए कहा है कि आरोप लगाने से पहले फुल फॉर्म तो जान लेते और अगर जानते भी होते तो बोल नहीं पाते. दरअसल, मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ मंगलवार को सपा के गढ़ करहल विधानसभा क्षेत्र में बरनाहल स्थित इंटर कॉलेज में आयोजित जनसभा में बोले थे कि गुंडई और अत्याचार सपा के डीएनए में है. कन्नौज का नवाब सिंह यादव इनका चेहरा है. भाजपा की सरकार में प्रदेश निवेश का हब बन रहा है. हम युवाओं को रोजगार दे रहे हैं, 2017 से पहले ऐसा नहीं होता था. सपा प्रमुख ने किया पलटवारइसी बयान पर पलटवार करते हुए सपा प्रमुख ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा है कि आरोप लगाने से पहले फुल फॉर्म तो जान लेते. इसके बाद उन्होंने डीएनए का फुल फॉर्म लिखा. इस पोस्ट में उन्होंने आगे लिखा है कि अगर मुख्यमंत्री फुल फॉर्म जानते भी होते तो बोल नहीं पाते. इस पोस्ट में सपा प्रमुख ये आरोप भी लगा रहे हैं कि अरबों-करोड़ों में सांसद-विधायक की भर्ती करवाने वाले लोग जितना कम बोलें, उतना ही उनके सम्मान के लिए अच्छा है. समाजवादी पार्टी के मुखिया का यह पलटवार प्रदेश में होने वाले उपचुनाव से भी जोड़ के देखा जा रहा है. ज्ञात हो कि प्रदेश में 10 विधानसभा सीटों पर होने वाले उपचुनाव भाजपा और सपा के लिए प्रतिष्ठा का चुनाव बन गए हैं. अक्सर होती है तीखी बहसअखिलेश यादव और योगी आदित्यनाथ के बीच अक्सर ऐसी तीखी बहस होती रहती है, जिसमें दोनों एक-दूसरे पर व्यक्तिगत हमला करने से भी नहीं चूकते हैं. उत्तर प्रदेश विधानसभा में एक बार ऐसी ही बहस में योगी ने अखिलेश पर आरोप लगाया था कि अखिलेश ने सत्ता के लिए अपने पिता का अपमान किया है.

रेत माफिया ने किसान पर टैक्टर चढ़ाकर ली जान, जीतू पटवारी ने कहा- आदिवासी उत्पीड़न…

Sand mafia took life by ramming a tractor on a farmer, Jitu Patwari said- Tribal oppression…

Sand mafia took life by ramming a tractor on a farmer, Jitu Patwari said- Tribal oppression… सिंगरौली ! रेत माफियाओं के हौसले बुलंद हैं. यहां एक आदिवासी किसान की ट्रैक्टर चढ़ाने की वजह से मौत हो गई है. आदिवासी किसान अपनी जमीन पर अवैध रेत का परिवहन रोकने गया था. इसी दौरान चालक ने किसान पर ट्रैक्टर चढ़ा दिया. ट्रैक्टर की चपेट में आने से किसान की मौत हो गयी. वारदात सिंगरौली में बरका चौकी क्षेत्र के गन्नई गांव की है. मृतक की पहचान 46 वर्षीय इंद्रपाल अगरिया के रूप में हुई है. मामले में मध्य प्रदेश की राजनीति गर्म हो गयी है. पूर्व मुख्यमंत्री कमलनाथ और कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष-जीतू पटवारी ने सवाल उठाये हैं. उन्होंने मुख्यमंत्री मोहन यादव से पूछा है कि आदिवासियों पर अत्याचार कब रुकेगा. इंद्रपाल के बड़े भाई सुरेश अगरिया ने बताया कि लाले वैश्य जबरिया रेत का अवैध परिवहन करते हैं. ट्रैक्टरों के चलने से हमारे खेत में लगी धान की फसल को नुकसान पहुंचता है. बीती रात भी छोटा भाई इंद्रपाल अवैध रेत का परिवहन रोकने गया था. रेत माफियाओं ने ट्रैक्टर से कुचलकर मार डाला. ‘आदिवासी किसान की ट्रैक्टर से कुचलकर हत्या’ मृतक के बड़े भाई सुरेश अगेरिया ने बताया कि लाले वैश्य बीजेपी युवा मोर्चा का पूर्व उपाध्यक्ष है. बरका चौकी प्रभारी एसआई सूरज सिंह के अनुसार लाले वैश्य का ट्रैक्टर जब्त कर लिया है. आरोपियों की तलाश की जा रही है. एएसपी शिवकुमार वर्मा के अनुसार वीडियो देखकर समझ में नहीं आ रहा है कि इंद्रपाल की मौत कैसे हुई. पोस्टमार्टम रिपोर्ट में सामने आये तथ्यों के आधार पर कार्रवाई की जाएगी. कांग्रेस ने दर्दनाक घटना का विरोध किया है. जीतू पटवारी ने ट्वीट कर सरकार को घेरा है. खेत पर अवैध रेत का परिवहन रोकने गया था प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष ने कहा कि मध्य प्रदेश में अंतहीन हो चुके आदिवासी उत्पीड़न की एक और सनसनीखेज घटना अब सिंगरौली से सामने आई है. गन्नई गांव के गरीब आदिवासी इंद्रपाल अगरिाय पर रेत माफियाओं ने इसलिए ट्रैक्टर चढ़ा दिया, क्योंकि उसने अवैध रेत परिवहन का विरोध किया था. घटना के आरोपी भी बीजेपी से जुड़े हुए हैं. इलाके में सालों से अवैध उत्खनन कर रहे हैं. उन्होंने कहा कि संरक्षण कौन और क्यों दे रहा है, जवाब इलाके का हर शख्स जानता है. जीतू पटवारी ने मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव पर निशाना साधा. कांग्रेस ने मुख्यमंत्री मोहन यादव से पूछे सवाल उन्होंने कहा, “लूट की छूट अपराध और अपराधी को संरक्षण दे रही है. गृहमंत्री के रूप में आप चुप हैं. पुलिस प्रशासन भी माफिया की मदद कर रहा है. जंगलराज ऐसा ही तो होता है. दलित और आदिवासियों का उत्पीड़न जारी रहने पर जल्द सरकार के खिलाफ कांग्रेस कार्यकर्ता सड़क पर संघर्ष करते नजर आयेंगे.” पूर्व मुख्यमंत्री कमलनाथ ने लिखा, “मध्य प्रदेश में आदिवासी अत्याचार की एक और जघन्य घटना. सिंगरौली जिले में गन्नई गांव के गरीब आदिवासी भाई इंद्रपाल अगरिया पर बीती रात रेत माफियाओं ने ट्रैक्टर चढ़ाया. हादसे में आदिवासी भाई की मौत हो गई. मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव कब रुकेगा अत्याचार.”

आमला : भाजपा के सदस्यता अभियान को लेकर बैठक सम्पन्न

Amla: Meeting regarding BJP's membership campaign concluded

Amla: Meeting regarding BJP’s membership campaign concluded हरिप्रसाद गोहेआमला। भारतीय जनता पार्टी के सदस्यता अभियान को लेकर युवा मोर्चा नगर मण्डल आमला कि बैठक सम्पन्न हुई। युवा मोर्चा के अध्यक्ष निलेश राठौर ने बताया कि भारतीय जनता पार्टी का सदस्यता अभियान के शुरू हो गया हैं। पार्टी के सदस्य बनने के लिए और 4 हजार सदस्य के लक्ष्य को पूर्ण करने कि कार्ययोजना इस बैठक में पदाधिकारी और कार्यकर्ताओं की उपस्थिति में बनाई गई हैं। युवाओं को खेल,कॉलेज, अन्य ऐसी जगह जहां युवा रहते हैं। उनके पास जाकर पार्टी की रीति- नीति एवं किए गए कार्यो को उनके बीच रखकर उन्हें भारतीय जनता पार्टी का सदस्य बनाना है। युवा मोर्चा के प्रत्येक पदाधिकारी को जो जहाँ निवास करते हैं उस स्थान पर उसके आस-पास कहि युवाओं का समूह मण्डल ऐसे स्थान पर जाकर 200 सदस्य बनाया जाना है। सदस्य बनने के लिए सबसे पहले नम्बर 8800002024 पर मिस्ड कॉल करना हैं। उसके बाद मेसेज के द्वारा मोबाइल नंबर पर लिंक आएगी। उस लिंक को ओपन करके मांगी गई जानकारी भरकर सदस्य बनने के बाद मेसेज के द्वारा सदस्यता कार्ड प्राप्त होगा। जिनके पास मोबाइल नहीं हैं वे किसी दूसरे के मोबाईल से भी सदस्य बन सकते या फॉर्म भी भरकर पार्टी के सदस्य बनाया जा सकता हैं। इस बैठक में मुख्य रूप से युवा मोर्चा मण्डल अध्यक्ष निलेश राठौर, अर्जुन पुन्डे, कपिल निरापुरे, अतिश साहू ,नामेश्वर बारस्कर, प्रवीण चौहान, पुष्पेंद्र जाधम, सुमित महतकर,गौरी मालवीय,पंकज पाल,संदीप कापसे,अरविंद पवार,संजय सोनपुरे,गब्बर अमझरे,बलवंत देशमुख,अभिषेक राठौर,राजा अमझरे,पवन सहित अन्य कार्यकर्ता बड़ी संख्या में मौजूद थे।

लोबिन हेम्ब्रम भाजपा में शामिल, बोले- तीर धनुष में अब वो दम नहीं

Lobin Hembram joined BJP, said- there is no power

Lobin Hembram joined BJP, said- there is no power in bow and arrow now रमेश अग्रवाल  रांची। झारखंड के बोरियो विधानसभा क्षेत्र से निर्वाचित पूर्व झामुमो विधायक लोबिन हेम्ब्रम शनिवार को भाजपा में शामिल हो गए। राजधानी रांची के भाजपा के प्रदेश कार्यालय में हेम्ब्रम ने भाजपा की सदस्यता ली। इस मौके पर भाजपा के वरिष्ठ नेताओं ने लोबिन हेम्ब्रम का स्वागत किया। असम के मुख्यमंत्री और झारखंड विधानसभा चुनाव के सह-प्रभारी हिमंता बिस्व सरमा, प्रदेश अध्यक्ष बाबूलाल मरांडी, नेता प्रतिपक्ष अमर बाउरी ने लोबिन हेंब्रम को माला पहनाकर और अंगवस्त्र देकर भाजपा में शामिल करवाया। इस अवसर पर चंपाई सोरेन और पूर्व मुख्यमंत्री मधु कोड़ा भी मौजूद थे। झारखंड के पूर्व मुख्यमंत्री चंपाई सोरेन और शिबू सोरेन की बड़ी बहू सीता सोरेन ने भी उन्हें भाजपा का पट्टा पहनाया। लोबिन हेम्ब्रम ने 5 बार विधायक रह चुके हैं। बोरियो के पूर्व झामुमो विधायक लोबिन हेम्ब्रम ने पार्टी में रहते हुए विगत लोकसभा चुनाव में दल के प्रत्याशी के विरुद्ध चुनाव लड़े थे। इसके बाद उन्हें छह साल के लिए पार्टी से निलंबित कर दिया था और कुछ दिन बाद विधानसभा से उनकी विधायिकी भी समाप्त कर दी गई थी।  भाजपा में शामिल होने के बाद लोबिन हेम्ब्रम ने कहा कि बचपन से अभी तक हमने जेएमएम में रहकर उसे सजाने संवारने का काम किया। ईमानदारी और वफादारी के साथ पार्टी को आगे बढ़ाया। इसके सुप्रीमो शिबू सोरेन ने हमें उंगली पकड़कर सिखाया था। उन्होंने कहा था कि जहां गलत हो विरोध करना है। आज हमारे साथ चंपाई बाबू है। झारखंड आदिवासी, मूलवासी के विकास के लिए बना। सरकार बनी, लेकिन शिबू सोरेन की जो स्थिति है आप सभी जानते हैं। हमने हेमंत सोरेन पर विश्वास किया। उनके एजेंडे पर पूरे झारखंड ने विश्वास किया। लेकिन शिबू सोरेन का जेएमएम आज नहीं है। तीर धनुष में वो दम अब नहीं है। गुरुजी हर तबके को प्रेरणा देते थे। शराब से दूर रहने को बोलते थे। लेकिन हेमंत सोरेन छत्तीसगढ़ वाले नीति को लाए, हमने तब सदन में विरोध किया। कहा था कि गुरुजी विरोध करते थे शराब, आप शराब बेचते हैं। गुरुजी को पता चला तो उन्होंने मेरा समर्थन किया। साहिबगंज, पाकुड़, गोड्डा का डेमोग्राफी बदल रहा। हमलोग के आवाज उठाने के बाद भी सरकार ने गंभीरता नहीं दिखाई। सिर्फ आदिवासी को वोट बैंक बना कर रखा। आने वाले दिन में आदिवासी मूलवासी खत्म हो जाएगा। इसलिए सोचा कि जेएमएम से झारखंड बचने वाला नहीं है। पीएम और गृह मंत्री पर विश्वास जताते हुए भाजपा से जुड़ने का निर्णय लिया।

युवा कांग्रेस का हल्लाबोल, मुख्यमंत्री आवास का घेराव करने निकले

Youth Congress's ruckus, came out to surround the Chief Minister's residence

Youth Congress’s ruckus, came out to surround the Chief Minister’s residence भोपाल। मध्य प्रदेश में बढ़ती बेरोजगारी, नर्सिंग कॉलेजों की मान्यता घोटाला सहित युवाओं की समस्याओं को लेकर मध्य प्रदेश युवा कांग्रेस ने शुक्रवार को भोपाल में जंगी प्रदर्शन किया। प्रदेशभर से आए यूथ कांग्रेस के कार्यकर्ता रोशनपुरा चौक पर एकत्र हुए और मुख्यमंत्री आवास का घेराव करने निकले। युवा कांग्रेस के प्रदेशाध्यक्ष मितेंद्र सिंह की अगुआई में यह प्रदर्शन हो रहा है। संगठन द्वारा चलाए गए ‘क्या हुआ तेरा वादा’ अभियान के तहत प्राप्त साढ़े चार लाख पोस्टकार्ड मुख्यमंत्री को सौंपे जाएंगे। युवा कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष बीवी श्रीनिवास, प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी भी इस प्रदर्शन में शामिल हुए। जीतू पटवारी ने कहा कि युवाओं के साथ भारतीय जनता पार्टी की सरकार धोखेबाजी कर रही है। नर्सिंग कॉलेज घोटाला सबके सामने है। ना तो युवाओं को रोजगार मिला है और ना ही स्वरोजगार। पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को रोकने के लिए रास्ते में बैरिकेडिंग कर दी है। भारी पुलिसबल मौके पर तैनात है। भाजपा सरकार पर वादाखिलाफी का आरोपयुवा कांग्रेस प्रदेशाध्यक्ष मितेंद्र सिंह ने कहा कि लाड़ली बहनों को आवास देने की घोषणा की, पर उसकी योजना तक नहीं बनी। सरकारी नौकरी की परीक्षा फॉर्म फीस माफ नहीं की गई और न ही नर्सिंग घोटाले के आरोपितों के विरुद्ध ठोस कार्रवाई की गई। किसानों को न्यूनतम समर्थन मूल्य की गारंटी भी नहीं मिली है। इन सभी मुद्दों को लेकर ‘अब युवा करेगा क्रांति’ कार्यक्रम के अंतर्गत मुख्यमंत्री आवास का घेराव किया जाएगा।

राष्ट्रीय सरपंच संघ की प्रदेश पदाधिकारियों की बैठक: मांगों की प्रगति और आगामी रणनीति पर विचार

Meeting of state officials of National Sarpanch Association: Consideration of progress of demands and upcoming strategy.

Meeting of state officials of National Sarpanch Association: Consideration of progress of demands and upcoming strategy. राजीव रंजन झा भोपाल ! राष्ट्रीय सरपंच संघ की गांधी भवन भोपाल में बैठक आयोजित की गई, जिसमें प्रदेश भर से संघ के पदाधिकारी और जिला अध्यक्ष शामिल हुए। यह बैठक संघ की गत 23 जुलाई 2024 को प्रदेश सरकार को सौंपे गए ज्ञापन की प्रगति की समीक्षा और भविष्य की राजनीतिक रणनीति तय करने के उद्देश्य से बुलाई गई थी। इस ज्ञापन में सरपंचों की विभिन्न मांगों को लेकर सरकार से तत्काल कार्रवाई की मांग की गई थी। बैठक के प्रमुख मुद्दे बैठक की शुरुआत संघ के प्रदेश अध्यक्ष राजबीर सिंह तोमर के उद्घाटन भाषण से हुई। उन्होंने ज्ञापन की मौजूदा स्थिति और सरकार के रुख पर प्रकाश डाला। उन्होंने बताया कि ज्ञापन में जिन मुद्दों को उठाया गया था, उनमें से कुछ पर सरकार ने ध्यान दिया है, लेकिन अब भी कई महत्वपूर्ण मांगें अनसुलझी हैं। तोमर ने कहा कि इस स्थिति में संघ को एक सशक्त और एकजुट रणनीति अपनानी होगी ताकि सरपंचों की आवाज को और प्रभावी ढंग से उठाया जा सके। 23.07.2024 को सरकार को सौंपे गए ज्ञापन की प्रमुख मांगें ज्ञापन में प्रमुख रूप से निम्नलिखित मांगें रखी गई थीं: सरपंचों के अधिकारों में वृद्धि: सरपंचों के प्रशासनिक और वित्तीय अधिकारों को बढ़ाने की मांग की गई थी, ताकि वे अपने ग्राम पंचायतों में विकास कार्यों को स्वतंत्र रूप से और प्रभावी ढंग से संचालित कर सकें। पंचायती राज संस्थाओं की स्वायत्तता : पंचायती राज संस्थाओं को अधिक स्वायत्तता प्रदान करने और उनके निर्णय लेने की क्षमता में वृद्धि करने की मांग की गई थी, जिससे ग्राम स्तर पर लोकतंत्र को मजबूत किया जा सके। स्थानीय समस्याओं का समाधान: हर जिले में सरपंचों की स्थानीय समस्याओं को सुनने और उनका समाधान करने के लिए एक विशेष समिति के गठन की मांग की गई थी। चर्चा के प्रमुख बिंदु और निर्णय बैठक के दौरान सभी प्रदेश पदाधिकारियों और जिला अध्यक्षों ने ज्ञापन पर हुई प्रगति पर अपने-अपने विचार व्यक्त किए। कई सदस्यों ने सरकार की उदासीनता पर नाराजगी जताई और अधिक आक्रामक रवैया अपनाने का सुझाव दिया। इसके साथ ही, कुछ सदस्यों ने बातचीत और संवाद के माध्यम से सरकार पर दबाव बनाने की रणनीति का समर्थन किया। बैठक के अंत में सर्वसम्मति से यह निर्णय लिया गया कि संघ की आगे की रणनीति तय करने का पूरा अधिकार प्रदेश अध्यक्ष राजबीर सिंह तोमर को दिया जाएगा। तोमर ने सभी सदस्यों को आश्वस्त किया कि वे अगले 15 दिनों के भीतर एक विस्तृत और प्रभावी रणनीति की घोषणा करेंगे, जिसमें सरकार के साथ आगे की बातचीत, धरना-प्रदर्शन, और आवश्यकतानुसार अन्य कदम शामिल हो सकते हैं। आगे की राह राजबीर सिंह तोमर द्वारा आगामी रणनीति की घोषणा से पहले, संघ के सभी सदस्य अपने-अपने क्षेत्रों में जनसमर्थन जुटाने के लिए कार्य करेंगे। उन्होंने सभी सरपंचों से अपील की कि वे अपने-अपने ग्राम पंचायतों में संघ के उद्देश्यों और मांगों को लोगों तक पहुंचाएं, ताकि आंदोलन को जनसमर्थन मिल सके। निष्कर्ष यह बैठक राष्ट्रीय सरपंच संघ के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण साबित हो सकती है, क्योंकि इसमें संघ की आगामी दिशा तय की गई है। सरकार के सामने सरपंचों की मांगों को प्रभावी ढंग से प्रस्तुत करने और उन पर कार्रवाई करवाने के लिए संघ की एकजुटता और रणनीति निर्णायक साबित होगी। राजबीर सिंह तोमर की नेतृत्व क्षमता पर सभी की निगाहें टिकी हुई हैं, और उनके द्वारा आगामी 15 दिनों में घोषित की जाने वाली रणनीति संघ के भविष्य की दिशा निर्धारित करेगी।

राम माधव की वापसी: भाजपा के लिए जम्मू-कश्मीर चुनाव में नए समीकरण

Ram Madhav's return: New equations for BJP in Jammu and Kashmir elections

Ram Madhav’s return: New equations for BJP in Jammu and Kashmir elections ” राजीव रंजन झा ” जम्मू-कश्मीर में होने वाला आगामी विधानसभा चुनाव भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के लिए विशेष महत्व का है। अनुच्छेद 370 और 35 ए हटने के बाद यह पहला विधानसभा चुनाव है। ऐसे में भाजपा के लिए यह चुनाव एक प्रतिष्ठा का सवाल बन गया है। इस चुनाव की तैयारी को और भी गंभीरता से लेने के लिए भाजपा ने अपने पूर्व राष्ट्रीय महामंत्री राम माधव को संघ से वापस बुलाकर जम्मू-कश्मीर की कमान सौंपी है। राम माधव का राजनीतिक सफरराम माधव, जो पहले भाजपा के राष्ट्रीय महामंत्री रह चुके हैं, राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) से आते हैं। वह आरएसएस के पहले प्रवक्ता बने थे और उनका जम्मू-कश्मीर की राजनीति में गहरा हस्तक्षेप रहा है। जब अमित शाह भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष थे, तब राम माधव राष्ट्रीय महामंत्री के रूप में जम्मू-कश्मीर के प्रभारी थे। 2020 में जब जगत प्रकाश नड्डा भाजपा के अध्यक्ष बने, तो राम माधव को नई टीम में शामिल नहीं किया गया, जिसके बाद वह संघ में वापस लौट गए थे। जम्मू-कश्मीर की राजनीति में राम माधव की भूमिकाराम माधव को जम्मू-कश्मीर की राजनीति में दो बड़े मामलों का श्रेय दिया जाता है। पहला, उन्होंने पीडीपी के साथ गठबंधन कर भाजपा को जम्मू-कश्मीर में पहली बार सत्ता में आने में मदद की। हालांकि, यह सरकार 2018 में गिर गई। दूसरा, उन्होंने नेशनल कॉन्फ्रेंस के साथ भी गठबंधन बनाने की कोशिश की, लेकिन यह प्रयास सफल नहीं हो सका और नेशनल कॉन्फ्रेंस ने बैकआउट कर लिया। इसके बावजूद, राम माधव की वापसी को भाजपा के लिए एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। भाजपा के लिए वर्तमान चुनौतियाँ2020 में पार्टी से हटाए जाने के बाद राम माधव ने संघ में वापसी की, लेकिन अब उन्हें फिर से भाजपा में लाया गया है। उनके वापसी को लेकर कई सवाल उठाए जा रहे हैं, खासकर यह कि उन्हें पहले क्यों हटाया गया और अब क्यों वापस बुलाया गया। लेकिन ऐसी खबरें हैं कि राम माधव स्वयं पार्टी में लौटने के इच्छुक थे और संघ से उन्हें अनुमति मिल गई। हालांकि, संघ ने स्पष्ट कर दिया है कि अबकी बार भाजपा में जाने के बाद उनकी संघ में वापसी नहीं हो सकेगी। राम माधव की वापसी को लेकर पार्टी के भीतर भी कई चर्चाएँ हो रही हैं। भाजपा के कुछ नेताओं का मानना है कि राम माधव का अनुभव और संगठनात्मक क्षमता पार्टी के लिए लाभदायक साबित हो सकती है, खासकर जम्मू-कश्मीर के आगामी विधानसभा चुनाव में। लेकिन यह भी स्पष्ट नहीं है कि वह चुनाव के बाद भी पार्टी में सक्रिय रहेंगे या नहीं। भाजपा के संगठन में कमियां और सुधार की आवश्यकता2024 के लोकसभा चुनाव में भाजपा को अपेक्षित सफलता नहीं मिल सकी, जिसका कारण बूथ स्तर की कमेटियों का निष्क्रिय होना माना जा रहा है। यह भी कहा जा रहा है कि पार्टी संगठन में एक अजीब तरह की बेचैनी, बिखराव और कर्तव्यबोध की कमी दिखाई दे रही है। भाजपा के संगठन में राम माधव की वापसी को पार्टी के लिए एक सकारात्मक कदम माना जा रहा है। लेकिन सवाल यह है कि उन्हें कितनी स्वतंत्रता और समय दिया जाएगा ताकि वह अपने अनुभव और क्षमता का पूरा उपयोग कर सकें। भविष्य की चुनौतियाँ और संभावनाएँराम माधव की वापसी के बाद यह देखना होगा कि भाजपा जम्मू-कश्मीर चुनाव में कितनी सफलता प्राप्त कर पाती है और क्या राम माधव की वापसी से पार्टी में नई ऊर्जा का संचार होता है। भाजपा के संगठनात्मक ढांचे में सुधार की आवश्यकता को समझते हुए, राम माधव की भूमिका महत्वपूर्ण हो सकती है। चुनावी नतीजे ही यह तय करेंगे कि राम माधव की वापसी भाजपा के लिए कितनी फायदेमंद साबित होती है और क्या उनकी नियुक्ति से पार्टी को वह बढ़त मिल पाती है जिसकी उसे आवश्यकता है।

दिग्विजय सिंह ने की सोयाबीन के दाम बढ़ाने की मांग, पीएम-सीएम से की यह अपील

Digvijay Singh demanded to increase the price of soybean, made this appeal to PM-CM

Digvijay Singh demanded to increase the price of soybean, made this appeal to PM-CM भोपाल। सोयाबीन खेती की लागत वर्ष 2011 से दो-तीन गुना बढ़ गई है, पर इसका मूल्य 4300 रुपये प्रति क्विंटल के आसपास है। किसानों की लागत भी नहीं निकल रही है। इसका न्यूनतम मूल्य प्रति क्विंटल छह हजार रुपये से कम नहीं होना चाहिए। यह मांग पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह ने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और मुख्यमंत्री डा. मोहन यादव से की है।13 साल पहले जो भाव था, आज भी वहीदिग्विजय ने कहा कि देश में लगभग 50 प्रतिशत से अधिक सोयाबीन का उत्पादन मध्य प्रदेश में होता है। वर्ष 2011 में प्रति क्विंटल भाव लगभग 4300 रुपये था। आज भी भाव इसके आसपास ही है, क्योंकि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर सोयाबीन के उत्पादन पर भाव निर्भर करता है। इस वर्ष भी मूल्य में वृद्धि की संभावना नहीं है, इसलिए सरकार उपार्जन करे और लागत को देखते हुए न्यूनतम मूल्य 6000 रुपये प्रति क्विंटल से कम न हो, यह सुनिश्चित किया जाए।जैविक कपास उत्पादकों के फर्जी समूह बनाने का लगाया आरोपदिग्विजय सिंह ने प्रधानमंत्री को पत्र लिखकर मध्य प्रदेश के निमाड़ अंचल में जैविक कपास उत्पादकों के फर्जी समूह बनाए जाने का आरोप लगाया। इसमें बताया कि इन समूहों में ऐसे गांवों के किसानों के नाम भी शामिल किए गए हैं, जो जैविक तो दूर साधारण कपास की खेती भी नहीं करते हैं।दिग्विजय ने कहा कि धार जिले के भीलकुंडा और उसके आसपास के गांवों के किसान इसका उदाहरण हैं। इन किसानों को उत्पादक बताकर उनसे खरीदी करना दर्शाया गया है। व्यापारियों के साथ मिलीभगत कर प्रमाणीकरण संस्था से प्रमाण पत्र जारी कराए गए। इसको लेकर आयुक्त वाणिज्यिक कर इंदौर को करोड़ों रुपये के जीएसटी की चोरी की शिकायत भी की गई है। इस पूरे मामले की जांच कराई जाए।

उद्योग समूहों और निवेशकों ने मध्यप्रदेश सरकार पर जताया भरोसा : मुख्यमंत्री डॉ. यादव

Industry groups and investors expressed confidence in Madhya Pradesh government: Chief Minister Dr. Yadav

Industry groups and investors expressed confidence in Madhya Pradesh government: Chief Minister Dr. Yadav भोपाल ! मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि ग्वालियर में हो रही इन्वेस्टर समिट में, अब तक हुई सभी इन्वेस्टर समिट से बेहतर परिणाम आने की उम्मीद है। क्षेत्रीय स्तर पर औद्योगिक गतिविधियों को प्रोत्साहित करने के लिए प्रदेश के विभिन्न भागों में की जा रही इन्वेस्टर समिट के परिणाम प्रोत्साहित करने वाले हैं। उद्योग समूहों और निवेशकों ने मध्यप्रदेश सरकार पर भरोसा जताया हैं, राज्य सरकार उनकी अपेक्षाओं पर खरी उतरने के लिए प्रतिबद्ध है। प्रसन्नता का विषय है कि प्रदेश में औद्योगिक गतिविधियों को प्रोत्साहन के लिए लागू की गई नीतियों और व्यवस्थाओं के प्रति उद्योगपति और निवेशक विश्वास व्यक्त कर रहे हैं। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने एम्स भोपाल के परिसर में मीडिया प्रतिनिधियों से चर्चा में यह बात कही। प्रदेश के उद्योगपति अपनी गतिविधियों को विस्तार दें और युवा उद्यमशीलता के क्षेत्र में आगे आएं मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि इन्वेस्टर समिट प्रदेश में रोजगार के अवसर बढ़ाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगी। हमारा प्रयास है कि प्रदेश के उद्योगपति भी अपनी गतिविधियों को विस्तार दें और प्रदेश के युवा अपने उद्यम आरंभ करें। राज्य सरकार उन्हें हर संभव सहयोग देने के लिए तत्पर है। राज्य सरकार ने उद्योग और उद्यमशीलता में युवाओं को प्रोत्साहित करने के लिए आरंभ किये गये विशेष अभियान अंतर्गत गतिविधियां जारी है। समिट जीडीपी बढ़ाने में भी महत्वपूर्ण योगदान देगी। समिट में शिक्षा, एमएसएमई, भारी उद्योग और कृषि अभियांत्रिकी सहित सभी सेक्टर को शामिल किया गया है। प्रदेश में निवेश आमंत्रित करने मुख्यमंत्री डॉ. यादव की कोलकाता और विदेश यात्रा प्रस्तावित मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि प्रदेश में निवेश और औद्योगिक गतिविधियों के लिए उद्योगपतियों को आमंत्रित करने के उद्देश्य से वे अगले माह सितंबर में कोलकाता में रोड-शो करेंगे। उन्होंने बताया कि आगामी 27-28 सितंबर को सागर और अक्टूबर में रीवा में भी इन्वेस्टर समिट होगी। प्रदेश में विदेशी निवेश आकर्षित करने के लिए नवंबर माह में उनकी विदेश यात्रा भी प्रस्तावित है।

slot server thailand super gacor

spaceman slot gacor

slot gacor 777

slot gacor

Nexus Slot Engine

bonus new member

olympus

situs slot bet 200

slot gacor

slot qris

link alternatif ceriabet

slot kamboja

slot 10 ribu

https://mediatamanews.com/

slot88 resmi

slot777

https://sandcastlefunco.com/

slot bet 100

situs judi bola

slot depo 10k

slot88

slot 777

spaceman slot pragmatic

slot bonus

slot gacor deposit pulsa

rtp slot pragmatic tertinggi hari ini

slot mahjong gacor

slot deposit 5000 tanpa potongan

mahjong

spaceman slot

https://www.deschutesjunctionpizzagrill.com/

spbo terlengkap

cmd368

368bet

roulette

ibcbet

clickbet88

clickbet88

clickbet88

bonus new member 100

slot777

https://bit.ly/m/clickbet88

https://vir.jp/clickbet88_login

https://heylink.me/daftar_clickbet88

https://lynk.id/clickbet88_slot

clickbet88

clickbet88

https://www.burgermoods.com/online-ordering/

https://www.wastenotrecycledart.com/cubes/

https://dryogipatelpi.com/contact-us/

spaceman slot gacor

ceriabet link alternatif

ceriabet rtp

ceriabet

ceriabet link alternatif

ceriabet link alternatif

ceriabet login

ceriabet login

cmd368

sicbo online live

Ceriabet Login

Ceriabet

Ceriabet

Ceriabet

Ceriabet

casino online

clickbet88

login kudahoki88

Ceriabet

Ceriabet

Ceriabet

slot olympus

sbobet

slot thailand

sbobet