LATEST NEWS

मोहन सरकार ने खरगोन जिले में मिर्च से जुड़े और उद्योग लगाने का निर्णय लिया

 खरगोन निमाड़ का खरगोन जिला सिर्फ कपास के लिए ही मशहूर नहीं है, बल्कि यहां की मिर्च भी देशभर में खासी पहचानी जाती है। मिर्च से जुड़े लगभग सौ से ज्यादा उद्योग फिलहाल जिले में रोजगार के साधन मुहैया करवा रहे हैं। अब इस कारोबार को विदेश तक पहुंचाने की योजना औद्योगिक विकास निगम और प्रदेश सरकार बना रही है। एक जिला एक उत्पाद के तहत जिले में आगामी समय में मिर्च से जुड़े 200 उद्योग लगाए जाएंगे। यह है मध्‍य प्रदेश सरकार की योजना मध्‍य प्रदेश सरकार की योजना है कि जिले में मिर्च की फसल से लेकर उसकी उपज का विदेशों तक कारोबार किया जाए। फिलहाल कई किसान समूह के माध्यम से विदेशों में खड़ी मिर्च व पाउडर भेजते हैं। अब नए उद्योगों के बाद विदेश निर्यात का नई राह खुलेंगी और क्षेत्रवासियों को स्वरोजगार के साथ ही आर्थिकी भी बेहतर होगी। निमाड़ में खरगोन में ही 45 हजार हेक्टेयर से ज्यादा में मिर्च की खेती होती है। कुछ प्रमुख बातें     मप्र के खरगोन जिले की बेड़िया मिर्च मंडी पीएम नरेन्द्र मोदी के आत्मनिर्भर भारत मिशन में शामिल है।     बेहतर स्वाद के कारण बेड़िया मिर्च की मांग ज्यादा है।     खेती में कम लागत, कम समय में मिर्च की फसल (मिर्च तीन से चार बार आना) तैयार होती है।     नकद राशि के कारण मिर्च की खेती ज्यादा होने लगी है।     सरकार ने भी मिर्च खेती और उसके कारोबार को बढ़ाने का फैसला किया है।     सरकारी योजनाओं के माध्यम से किसानों को दिया जा रहा प्रोत्‍साहन।     प्रधानमंत्री रोजगार योजना से जिले के युवा खुद का कारोबार स्थापित कर रहे हैं। औसतन एक से डेढ़ लाख रुपये प्रति एकड़ शुद्ध लाभ किसान मिर्च की खेती से औसतन एक से डेढ़ लाख रुपये प्रति एकड़ शुद्ध लाभ प्राप्त करता है। जिले में साढ़े तीन लाख किसानों में से 70 हजार किसान मिर्च की खेती करते हैं। जिले के डालकी के किसान बालकृष्ण पाटीदार ने टेराग्लेब समूह बनाया है। इसमें 300 किसानों के साथ 600 एकड़ जमीन में मिर्च की खेती की जाती है। विदेशों में रसायनमुक्त मिर्ची भेजी जाती है। किसान यूरोप सहित चाइना को मिर्च सप्लाय मिट्टी के सेंपल्स केरला की एविटी लेब में जांच कराई। इसमें रसायन प्रोपिनोफास, ट्रेजोफास, क्लोरोपारीफास, और मोनोक्रोटफास नहीं मिला। यह रसायन अमेरिका सहित यूरोपीय देशों में प्रतिबंधित है। किसान यूरोप सहित चाइना को मिर्च सप्लाय करते हैं। वह मुंबई से पोर्ट के माध्यम से विदेशों तक मिर्च भेजते हैं। बालकृष्ण बताते हैं कि एक एकड़ पर 40 हजार रुपये का मुनाफा होता है। पिछले साल 55 मीट्रिक टन मिर्च विदेश भेजी थी। कंपनी का टर्नओवर पांच करोड़ रुपए हैं। पांच साल ऐसा रहा रकबा और उत्पादन उद्यानिकी विभाग से प्राप्त आंकड़ों के मुताबिक जिले में पिछले पांच साल में मिर्च का रकबा व उत्पादन बढ़ा है। वर्ष              रकबा        उत्‍पादन 2018-19     25369     63423 मीट्रिक टन 2019-20     23280     81480 मीट्रिक टन 2020-21     49052     171682 मीट्रिक टन 2021-22     51350     179725 मीट्रिक टन 2022-23     46556     139668 मीट्रिक टन 2023-24 में 45000 से ज्यादा रकबा है।     मिर्च की विदेशों तक मांग, 200 उद्योग लगेंगे     जिले की मिर्च की मांग विदेशों तक है। एक जिला एक उत्पाद में मिर्च उत्पाद पर आधारित प्रधानमंत्री सूक्ष्म एवं मध्यम उद्योग स्थापना के जल्द ही 200 उद्योग लगेंगे। इससे प्रोत्साहन के साथ स्थानीय लोगों को रोजगार मिलेगा। मिर्च से जुड़े कई किसान व उद्योग लगाने वाले लाखों रुपये का मुनाफा कमा रहे हैं। यह उत्पाद जिले को एक नई पहचान देंगे।     -कर्मवीर शर्मा, कलेक्टर  

मप्र में वर्ष 2019 -20 से वर्ष 2023-24 तक फसलों का बीमा नहीं किया गया, 3.47 लाख से अधिक किसान हो रहे प्रभावित

भोपाल मध्य प्रदेश में पिछले 5 साल से मौसम आधारित उद्यानिकी फसलों का बीमा नहीं किया जा रहा है। प्रतिवर्ष प्रदेश के तीन लाख 46 हजार से अधिक किसान फसल बीमा से वंचित रह जाते हैं। यह स्थिति तब है जब सरकार खेती से आय बढ़ाने के लिए किसानों को प्रोत्साहित करने में लगी है। जबकि महाराष्ट्र जैसे राज्यों में किसानों को उद्यानिकी फसलों के बीमा कवरेज की व्यवस्था की गई है। वहीं, मप्र में वर्ष 2019 -20 से वर्ष 2023-24 तक फसलों का बीमा नहीं किया गया है। शुक्रवार को विधानसभा में पूर्व मंत्री व विधायक अर्चना चिटनीस ने उद्यानिकी फसलों का बीमा किए जाने का प्रश्न उठाया। उन्होंने कहा कि 5 साल से फसलों का बीमा क्यों नहीं किया जा रहा है। मंत्री नारायण सिंह कुशवाह ने बताया ये कारण जवाब में उद्यानिकी मंत्री नारायण सिंह कुशवाह ने बताया कि जल्द बीमा कराने का प्रयास कर रहे हैं, इसके लिए अर्चना चिटनीस भी दिल्ली गई थीं। उन्होंने कहा कि वर्ष 2020 से रबी 2022-23 के लिए छह बार टेंडर जारी किए गए थे, लेकिन दरें अधिक आने के कारण योजना का क्रियान्वयन नहीं किया जा सका। रबी 2022-23 से रबी 20223-24 के लिए निविदा आमंत्रित की गई, लेकिन एक ही निविदा प्राप्त होने के कारण निविदा नहीं खोली गई। खरीफ 2023-24 से रबी 2025-26 के लिए निविदा आमंत्रित की गई, लेकिन विभाग द्वारा केंद्र सरकार के नए दिशा-निर्देशानुसार आगामी कार्रवाई करने का निर्णय लिया गया है। इसके लिए केंद्र से भी बात करके शीघ्र फसल बीमा कराने का प्रयास करेंगे। 16.41 लाख किसानों ने योजना का लिया था लाभ बता दें कि वर्ष 2015 से 2019 तक मध्य प्रदेश के 21 लाख 31 हजार 919 किसानों फसल बीमा के लिए पंजीयन कराया था। इसमें से 16 लाख 41 हजार 685 किसानों ने उद्यानिकी फसल बीमा योजना का लाभ लिया। इसके बाद से बीमा बंद है।

युवती अपने पति के साथ पहली मुलाकात सेलिब्रेट करने गई थी, सड़क हादसे में हुई मौत

इंदौर एबी रोड पर युवती सड़क हादसे का शिकार हो गई। बाइक की टक्कर से उसकी मौत हो गई। युवती अपने पति के साथ पहली मुलाकात सेलिब्रेट करने गई थी। सड़क क्रॉस करते वक्त तेज रफ्तार बाइक ने टक्कर मार दी। सिर में चोट लगने से घायल युवती को अस्पताल में भर्ती करवाया लेकिन उसकी मौत हो गई। ढाबे पर खाना खाने गए थे घटना किशनगंज थाना अंतर्गत की है। पातालपानी निवासी 25 वर्षीय संगीता ने छह महीने पूर्व ही भाटखेड़ी(पीथमपुर)निवासी सनी भाटिया से प्रेम विवाह किया था। सनी ने पुलिस को बताया एक वर्ष पूर्व दोनों की मुलाकात हुई थी। गुरुवार को पहली मुलाकात सेलिब्रेट करने के लिए संगीता को ढाबा पर खाना खिलाने ले गया था। टक्कर के बाद 10 फीट दूर गिरी युवती संगीता मोबाइल पर सहेली से बात करते हुए रोड क्रॉस कर रही थी। तेज रफ्तार में आई बाइक ने संगीता को टक्कर मार दी। प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि संगीता 10 फीट दूर जाकर गिरी। राहगीरों की मदद से उसे अस्पताल भिजवाया लेकिन उसकी मौत हो गई। शुक्रवार को एमवाय अस्पताल में संगीता के शव का पोस्टमार्टम करवाया गया। भीड़ ने बाइक सवार एक युवक को मौके पर ही पकड़ लिया। उसका साथी बाइक छोड़कर भाग गया। पुलिस ने केस दर्ज कर लिया है। बाइक चालक शराब के नशे में था।

नर्मदा लिंक परियोजना से जिले के 155 गाँव के किसानों को सिंचाई सुविधा मिलेगी

भोपाल   प्रदेश के बजट में नर्मदा लिंक परियोजना का 1800 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है। वन मंत्री श्री नागर सिंह चौहान ने कहा कि नर्मदा लिंक परियोजना से अलीराजपुर जिले की तकदीर और तस्वीर बदलेगी। उन्होंने कहा कि सिंचाई सुविधा बढ़ने से जिले के आर्थिक विकास के साथ-साथ जिले के किसानों की आय में वृद्धि होगी। वन मंत्री श्री चौहान ने बताया कि नर्मदा लिंक परियोजना से सोंडवा और जोबट विधानसभा क्षेत्र के अनेक ग्राम लाभान्वित होंगे। मंत्री श्री चौहान ने कहा कि जिले के 5 विकासखण्ड अलीराजपुर, सोंडवा, आजाद नगर, कट्ठीवाड़ा और उदयगढ़ विकासखण्ड के 155 गाँव के किसानों को सिंचाई की सुविधा मिलेगी। उन्होंने कहा कि इससे अलीराजपुर जिले के सिंचाई के रकबे में बढ़ोत्तरी होगी। वन मंत्री श्री चौहान ने यशस्वी प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी एवं मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के प्रयासों से अलीराजपुर जिले को नर्मदा लिंक परियोजना से सिंचाई सुविधा मिलने पर उनको धन्यवाद ज्ञापित किया है।  

महिलाओं एवं बच्चों के स्वास्थ्य, पोषण एवं आर्थिक स्वावलम्बन की ओर बढ़ते मजबूत कदम

भोपाल प्रदेश में महिलाओं एवं बच्चों के स्वास्थ्य, पोषण तथा उनके आर्थिक स्वावलम्बन के लिए बालिकाओं के जन्म से लेकर उनके सम्पूर्ण जीवन के लिए विभिन्न कल्याणकारी योजनाएं और कार्यक्रम लागू किए जा रहे है। चाहे वह नौनिहालों के सुनहरे भविष्य बनाने के लिए “सक्षम आंगनवाड़ी एवं पोषण 2.0 योजना हो”, बेटियों के जन्म से उन्हें लखपति बनाने की लाड़ली लक्ष्मी योजना या फिर बहन-बेटियों को अपनी छोटी-छोटी आवश्यकताओं को पूरा करने में न सिर्फ समर्थ हुई बल्कि बैंकिंग प्रणाली से जुड़ने और वित्तीय जागरूकता का संयम करती “लाड़ली बहना योजना हो”, सभी योजनाओं ने महिलाओं को सशक्त कर अपने परिवार और समाज में एक अलग पहचान बनाने में सफलता प्राप्त की। इसकी निंतरता को बरकरार रखने के लिए मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने वर्ष 2024-25 के लिए 26 हजार 560 करोड़ रूपये का बजट प्रावधान किया है, जो पिछले वर्ष की तुलना में 81 प्रतिशत अधिक है। इस वर्ष बाल बजट में 70 हजार 447 करोड़ रूपये का प्रावधान किया गया है। जो पिछले वर्ष की तुलना में 12 प्रतिशत अधिक है। महिला सशक्तिकरण को प्राथमिकता में रखते हुए प्रदेश में मुख्यमंत्री लाड़ली बहना योजना को निरंतर जारी रखा गया है। योजना में इस वर्ष 18 हजार 984 करोड़ का प्रावधान किया गया है। योजना में 21 से 60 वर्ष की पात्र महिलाओं को प्रतिमाह 1250 रूपये की राशि उनके बैंक खातों में अंतरित की जा रही है। इस वित्तीय वर्ष 2024-25 में (सक्षम आंगनवाड़ी और पोषण 2.0) के तहत आंगनवाड़ी सेवाएं के लिए 3469 करोड़ रूपये का प्रावधान किया गया है। इसमें मुख्य: 6 सेवाएं प्रदान की जा रही हैं। पूरक पोषण आहार जिसमें 6 माह से 6 वर्ष आयु के बच्चों, गर्भवती व धात्री माताओं तथा किशारी बालिकाओं को वर्ष में कम से कम 30 दिन पूरक पोषण आहार प्रदाय किया जाता है। ग्रोथ मॉनिटरिंग एवं टीकाकरण के अन्तर्गत माह में निर्धारित 10 दिवसों में 6 वर्ष तक की आयु के सभी बच्चों का ग्रोथ मॉनिटरिंग एवं स्वास्थ्य विभाग के सहयोग से माह में एक दिन बच्चों एवं गर्भवती महिलाओं का टीकाकरण किया जाता है। आंगनवाड़ी सेवाओं में शाला पूर्व शिक्षा के तहत 3 वर्ष से 6 वर्ष तक के प्रतिदिन आंगनवाड़ी आने वाले बच्चों को शारीरिक, संज्ञानात्मक, सामाजिक, भाषाई और सौंदर्य बोध की शिक्षा दी जाती है। पोषण स्वास्थ्य शिक्षा के तहत आंगनवाड़ी कार्यकर्ता स्वंय एवं आशा तथा स्वास्थ्य कार्यकर्ता के सहयोग से केन्द्र स्तर पर सामूहिक एवं गृह भेंट कर हितग्राहियों के स्वास्थ्य, स्वच्छता एवं संतुलित भोजन आदि के बारे में परामर्श दिया जाता है। इसके अतिरिक्त प्रत्येक माह टीकाकरण दिवस पर नजदीकी स्वास्थ्य केन्द्र पर ए.एन.एम., सी.एच.ओ. तथा आर.बी.एस. के दल द्वारा महिलाओं तथा बच्चों की स्वास्थ्य जाँच एवं आवश्यक सलाह दिया जाता है। स्वास्थ्य जाँच के आधार पर जरूरी होने पर महिलाओं एवं बच्चों को स्वास्थ्य केन्द्र अथवा पोषण पुर्नवास केन्द्र उपचार के लिए भेजा जाता है। प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना के तहत इस वित्तीय वर्ष में 350 करोड़ रूपये का प्रावधान किया गया है। योजना के तहत गर्भवती महिलाओं को मजदूरी की हानि की आंशिक क्षतिपूर्ति के रूप में नकद प्रोत्साहन प्रदान करने के लिए प्रथम प्रसव पर 5 हजार रूपये दो किश्तों में तथा द्वितीय प्रसव पर बालिका के जन्म होने पर 6 हजार रूपये का लाभ एक किश्त में किया जाता है। योजना के प्रारंभ से अब तक 40 लाख से अधिक लाभार्थियों को पंजीकृत कर 1663 करोड़ रूपये का भुगतान किया जा चुका है। मार्च 2024 तक 6,31,071 लक्ष्य के विरूद्ध 6,24,588 लाभार्थियों को पंजीकृत किया गया है। प्रधानमंत्री मातृ वन्दना योजना के प्रारंभ से वर्ष 2022-23 तक निरंतर 5 वर्षों से मध्यप्रदेश इस योजना के क्रियान्वयन में देश में प्रथम स्थान पर है। समेकित बाल संरक्षण योजना के तहत मिशन वात्सल्य के अन्तर्गत वित्तीय वर्ष 2024-25 में 130 करोड़ रूपये का प्रावधान किया गया है। इस योजना के तहत विशेष रूप से कठिन परिस्थितयों में रहने वाले 18 वर्ष तक के बच्चों के समग्र कल्याण एवं पुर्नवास के लिये संरक्षण, भरण-पोषण, प्रशिक्षण तथा व्यवसायिक एवं पारिवरिक पुनर्वास मुख्य उद्देश्य है। इसके तहत प्रदेश में विभिन्न प्रकार के 142 गृह संचालित है। कुल मिलाकर राज्य सरकार द्वारा बच्चों और महिलाओं के प्रति संवेदनशील सोच के साथ आगे बढ़ रही है। इनके वर्तमान और भविष्य को संवारने के लिये समग्र रूप से योजनाओं का सफल क्रियान्वयन जारी है।  

कौशल विकास और रोजगार मंत्री श्री टेटवाल ने संत शिरोमणि रविदास ग्लोबल स्किल पार्क के निर्माण कार्यों की समीक्षा की

भोपाल कौशल विकास और रोजगार राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) श्री गौतम टेटवाल ने मंत्रालय में संत शिरोमणि रविदास ग्लोबल स्किल पार्क के निर्माण कार्यों की समीक्षा की। मंत्री श्री टेटवाल ने श्रमिकों की संख्या बढ़ा कर गुणवत्ता के साथ निर्माण कार्य समय सीमा में पूर्ण करने के निर्देश दिये। उन्होंने कहा कि 15 जुलाई से पार्क में 4 कोर्सेज प्रारंभ होने जा रहे हैं। ट्रेनिंग के लिए आ रहे युवाओं को हॉस्टल और प्रयोगशाला एवं कक्षाओं में सभी सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएं और सभी की सुरक्षा को भी प्राथमिकता पर रखा जाये। मंत्री श्री टेटवाल ने निर्माण कार्य गुणवत्ता के साथ समय सीमा में पूर्ण किए जाने के निर्देश दिए। बैठक में सचिव श्री रघुराज एम एवं संचालक श्री गौतम सिंह ने बताया कि 15 जुलाई 2024 से एडवांस ऑटोमोटिव टेक्नोलॉजी,एडवांस मैकेनिकल टेक्नोलॉजी, एडवांस मैकाट्रोनिक्स एवं एडवांस मैकेनिकल एंड इलेक्ट्रिकल सर्विसेज़ जैसे 4 पाठ्यक्रम प्रारंभ किए जा रहे हैं। विश्व स्तरीय ग्लोबल स्किल्स पार्क में विश्व के सर्वोत्तम इंस्टीट्यूट्स में से एक आई टी ई ई एस सिंगापुर से ट्रेनिंग लेकर आए 26 कोर्स हेड,प्रिंसिपल ट्रेनर एवं ट्रेनर टेक्निकल ट्रेनिंग देंगे।

औषधालयों में सुबह 9 से अपरान्ह 4 बजे तक ओपीडी खुली रहेगी

भोपाल जनजातीय कार्य, लोक परिसम्पत्ति प्रबंधन तथा भोपाल गैस त्रासदी राहत एवं पुनर्वास मंत्री डॉ. कुंवर विजय शाह के आदेश पर गैस राहत एवं पुनर्वास संचालनालय के अधीन गैस राहत अस्पतालों एवं औषधालयों में बाह्य रोगी विभाग (ओपीडी) खुली रहने का समय तय कर दिया गया है। सभी गैस राहत अस्पतालों में सुबह 8 बजे से दोपहर 1 बजे तक एवं शाम 5 बजे से 6 बजे तक ओपीडी खुली रहेगी। इसी तरह गैस राहत के सभी औषधालयों में सुबह 9 बजे से अपरान्ह 4 बजे तक ओपीडी खुली रहेगी। गैस राहत संचालनालय द्वारा सभी गैस राहत अस्पतालों एवं औषधालयों को इस आदेश का कड़ाई से पालन सुनिश्चित करने के निर्देश दिये गये हैं। सहायक संचालक, गैस राहत एवं पुनर्वास संचालनालय, भोपाल ने बताया कि संचालक, कमला नेहरू चिकित्सालय, मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी, गैस राहत, भोपाल, अधीक्षक जवाहर लाल नेहरू चिकित्सालय, इंदिरा गांधी महिला एवं बाल चिकित्सालय, अधीक्षक कमला नेहरू चिकित्सालय, अधीक्षक, पल्मोनरी मेडिसिन सेंटर, अधीक्षक, मास्टर लाल सिंह चिकित्सालय, अधीक्षक, शाकिर अली खान चिकित्सालय, प्रभारी चिकित्सा अधिकारी, बाग उमराव दूल्हा औषधालय, प्रभारी चिकित्सा अधिकारी, रूकमा बाई औषधालय बरखेड़ी, भोपाल, प्रभारी चिकित्सा अधिकारी, सिविल डिस्पेंसरी, अशोका गार्डन, भोपाल, प्रभारी चिकित्सा अधिकारी, के.एन.प्रधान औषधालय, जहांगीराबाद, भोपाल, प्रभारी चिकित्सा अधिकारी, माँ कर्मा देवी औषधालय, करोंद, भोपाल, प्रभारी चिकित्सा अधिकारी, मौ.अ.क.आ. औषधालय, पुतली घर, भोपाल, प्रभारी चिकित्सा अधिकारी, कुशाभाऊ ठाकरे औषधालय, नरेला शंकरी, भोपाल, प्रभारी चिकित्सा अधिकारी, लाल बहादुर शास्त्री औषधालय, मालीखेड़ी, भोपाल, प्रभारी चिकित्सा अधिकारी, पॉली क्लीनिक, इब्राहिमगंज, भोपाल को इस संबंध में निर्देशित कर दिया गया है। उन्होंने बताया कि सभी अस्पताल अधीक्षकों एवं औषधालय प्रभारियों से कहा गया है कि गैस राहत अधीन सभी डॉक्टर्स तय समय के अनुसार अस्पताल एवं औषधालयों में अनिवार्य रूप से उपस्थित रहकर मरीजों का इलाज करें। अस्पताल अधीक्षकों एवं औषधालय प्रभारियों से यह भी कहा गया है कि यदि डॉक्टर्स तय किये गये समय पर ओपीडी में उपस्थित नहीं होकर मरीजों का इलाज नहीं करते हैं, तो उनके विरूद्ध नियमानुसार सख्त कार्रवाई की जाये।  

खंडवा में दहशतगर्दी का सफर: 32 वर्षीय अब्दुल रकीब के बाद 36 वर्षीय फैजल शेख की फितरत एटीएस की नजरों से बच नहीं सकी

खंडवा सिमी का गढ़ रहे खंडवा का आतंक से पुराना नाता है। 16 साल पहले एटीएस जवान सीताराम यादव सहित तीन लोगों की गोली मारकर हत्या कर आतंक का बीजारोपण अबु फैजल ने किया गया था। अब एक बार फिर खंडवा की जमीन से इस प्रकार के मॉड्यूल को अपना कर आतंक का परचम लहराने की कोशिश हो रही है। 32 वर्षीय अब्दुल रकीब के बाद 36 वर्षीय फैजल शेख की फितरत एटीएस की नजरों से बच नहीं सकी। अपने आतंकी मंसूबों को अंजाम देने से पहले ही एसटीएफ और मध्य प्रदेश एटीएस ने उन्हें धरदबोचा। एक साल पहले खंडवा से अब्दुल रकबी पुत्र अब्दुल वकील कुरैशी भी इंटरनेट के माध्यम से बम बनाने की ट्र्रेनिंग देने और पश्चिम बंगाल की आंतकी घटना को अंजाम देने वालों के संपर्क में होने से पकड़ा गया था। उसे पश्चिम बंगाल की एसटीएफ ने गिरफ्तार किया था। फैजल भी उसका साथी होने से एनआईए, एसएफटी और एटीएस के राडार पर था। जांच ऐजेंसी को पुख्ता सबूत हाथ लगते ही उसे खंडवा से गिरफ्तार कर लिया गया। इंटरनेट के जरिए आतंक को जिंदा रखने का प्रयास खंडवा में 28 नवंबर 2009 को तिहरे हत्याकांड को प्रतिबंधित स्टूडेंट इस्लामिक मूवमेंट ऑफ इंडिया (सिमी) के गुर्गों ने अंजाम दिया था। इनका सरगना मुंबई का डॉ. अबू फैजल था। उत्तर प्रदेश का रहने वाला था अबू फैजल मूलत: उत्तर प्रदेश का रहने वाला अबू फैजल खंडवा में अपना आतंकी साम्राज्य खड़ा करना चाहता था, इसके लिए निमाड़ और मालवा में इस्लामिक आंतकवाद का जहर फैलाने के लिए युवा को जोड़ने की कोशिश की। इसमें कुछ हद तक वह सफल भी हुआ, लेकिन जांच एजेंसियों और पुलिस की कोशिशों से सिमी सहित अन्य आंतकी संगठन खंडवा में अपनी जड़ें नहीं जमा सके। सिमी गुर्गों की गिरफ्तारी के बाद जमीनी गतिविधियों पर लगाम लग गई, लेकिन इंटरनेट के जरिए युवाओं में इस्लामिक कट्टरवाद और नफरत का जहर भर कर आतंक को कायम रखने के प्रयास जारी है। इसके परिणाम स्वरूप यहां रकीब और फैजल जैसे युवा भटक कर आतंक की राह अख्तियार कर रहे है। आतंकी अबू फैजल और यासीन भटकल से प्रभावित होकर खंडवा का युवा फैजल हनीफ शेख विध्वंस और दहशत के जरिए स्वयं को अन्य युवाओं का रोल मॉडल व हीरो बनने की कोशिश में लगा था। वह अपने मंसूबों में सफल हो पाता इससे पहले एटीएस भाेपाल की टीम ने उसे धरदबोचा। एक अक्टूबर 2013 को जेल से भागे थे सिमी आंतकी स्टूडेंट इस्लामिक मूवमेंट ऑफ इंडिया संगठन को 2001 में आतंकी गतिविधियों के कारण प्रतिबंधित कर दिया गया था। खंडवा में तिहरे हत्याकांड के बाद सातों सिमी आतंकी जिला जेल से 1 अक्टूबर 2013 को भाग निकले थे। इनमें मुंबई निवासी आबू फैजल, खंडवा के गणेश तलाई का अमजद खान,असलम, जाकिर हुसैन, मेहबूब उर्फ गुड्डू और करेली निवासी एजाजउद्दीन पर हत्या और हत्या के प्रयास के आरोप में एक सहयोगी आबिद अंसारी जेल में विचाराधीन कैदी के रूप में बंद थे। खंडवा जेल से भागने के 3 साल बाद इन्हें एटीएस ने गिरफ्तार कर सेंट्रल जेल भोपाल में रखा था। 31 अक्टूबर 2016 को शेख मुजीब, असलम, हबीब उर्फ शेट्टी, साजिद उर्फ शेरू, अबु फैजल, महबूब, एजाजुद्दीन और इकरार शेख भोपाल जेल से भागने में कामयाब हो गए थे।इस दौरान एनकाउंटर में सिमी के 7 आतंकी मारे गए थे। इनमें अबु फैजल बच गया था। भोपाल सेंट्रल जेल में पहले से सजा काट रहे आतंकी अबू फैजल को दिसंबर 2023 में एनआइए कोर्ट ने आजीवन कारावास की सजा वर्ष 2013 में खंडवा जेल तोड़ने के मामले में सुनाई गई थी। मशहूर होने के लिए चुनी आतंक की राह जिहादी मानसिकता ने एक बार फिर खंडवा को शर्मसार कर दिया। मशहूर होने के चक्कर मे आतंकी संगठनों के संपर्क में आकर फैजान देश विरोधी गतिविधियों में शामिल होकर बड़ी वारदात को अंजाम देना चाहता था, लेकिन एटीएस की कार्रवाई ने आतंकी के मंसूबों को नाकाम करते हुए उसे दबोच लिया।

ऊर्जा मंत्री श्री प्रद्युम्न सिंह तोमर के निर्देशानुसार ऊर्जा विभाग की बिजली कंपनियों में पौध-रोपण अभियान चलाया

भोपाल ऊर्जा मंत्री श्री प्रद्युम्न सिंह तोमर के निर्देशानुसार ऊर्जा विभाग की बिजली कंपनियों में पर्यावरण को सुरक्षित और स्वच्छ रखने के उद्देश्य से पौध-रोपण अभियान चलाया जा रहा है। जिसके तहत मध्यप्रदेश मध्य क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी के विभिन्न सब-स्टेशनों और रहवासी कालोनियों में आज पहले चरण में पौध-रोपण किया गया। मध्य क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी के भोपाल मुख्यालय में आयोजित पौध-रोपण कार्यक्रम में कंपनी के प्रबंध संचालक श्री क्षितिज सिंघल सहित अन्य अधिकारियों ने पौध-रोपण कर पेड़-पौधों की सुरक्षा का संकल्प लिया। गौरतलब है कि इस समय “एक पेड़ मां के नाम” पौध-रोपण का देशव्यापी अभियान चलाया जा रहा है। इसी क्रम में मध्य क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी मुख्यालय पर भी पौध-रोपण का वृहद स्तर पर आयोजन किया जा रहा है। कंपनी मुख्यालय सहित प्रदेश के विभिन्न सब स्टेशनों में अब तक लक्ष्य से अधिक पौधों का रोपण किया गया है। पौध-रोपण में कंपनी के कार्मिकों के अलावा उनके परिजनों ने भी हिस्सेदारी निभाई। मध्य क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी की बिजली नगर कालोनी में भी पौध-रोपण किया गया। यहां की रहवासी कालोनियों में ऑक्सीजन उत्सर्जित करने वाले पौधों के अलावा फलदार और छायादार पौधों की विभिन्न प्रजाति जैसे आम, जामुन, नीम, पीपल, करंज, आंवला, बादाम, इमली आदि प्रजाति के पौधे लगाये गये। पौध-रोपण के पश्चात कार्मिकों और परिजनों ने शपथ लेकर स्वेच्छा से लगाए जा रहे पौधों की देख-रेख का जिम्मा भी लिया। कंपनी द्वारा वसुंधरा को हरी-भरी बनाने और पर्यावरण को बचाने के लिए पौध-रोपण का यह क्रम आगे भी लगातार चलता रहेगा।  

सी.एम. हेल्पलाइन में उत्कृष्ट ग्रेडिंग पाने वाले निकायों को नगरीय विकास आयुक्त ने जारी किए प्रशंसा-पत्र

भोपाल आयुक्त, नगरीय विकास एवं आवास श्री भरत यादव ने सी.एम हेल्पलाइन में उत्कृष्ट ग्रेडिंग पाने वाले निकायों को प्रशंसा-पत्र जारी किए हैं। श्री यादव ने उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले निकायों के अधिकारियों से कहा है कि वे भविष्य में भी इसी तरह निष्ठा और समर्पण से कार्य करते रहें। उत्कृष्ट प्रदर्शन करते हुए 90 प्रतिशत अंक पाने वाले नगर निगमों में बुरहानपुर, छिन्दवाडा और सिंगरौली सम्मिलित हैं। जिला शहरी विकास अभिकरण (DUDA) बैतूल व सीहोर को भी प्रशंसा पत्र दिया गया है। वहीं आष्टा, सेंधवा, बडवानी, औबेदुल्लागंज, कोलारस, थांदला, आमला, छापीहेडा, भेंसदेही, शाहपुर, खुजनेर, सिरमौर को शत-प्रतिशत अंक पाने के लिए प्रशंसा-पत्र जारी किया गया हैं। नगर पालिका परिषदों की श्रेणी में उच्च प्रदर्शन करते हुए 90 प्रतिशत से अधिक अंक पाने वाले नगरों के अर्न्तगत सीहोर, बैतूल और वारासिवनी को कम से कम 40 शिकायतों के समाधान के लिए एवं इंदरगढ़, बनखेडी एवं कोठरी नगर परिषद को कम से कम 20 शिकायतों के समाधान के लिए प्रशंसा-पत्र दिया गया है। नगरीय विकास आयुक्त श्री यादव ने अपेक्षा के विपरीत असंतोषजनक प्रदर्शन कर सी ग्रेड व डी ग्रेड पाने वाले निकायों के सभी मुख्य नगर पालिका अधिकारियों को कारण बताओ नोटिस जारी किया है। इन निकायों में मानपुर (जिला उमरिया), जामई, महिदपुर, वनगवां (राजनगर), बरगवां, नौगांव, सुरखी, पथरिया, लोहारदा, करही पन्डिल्या खुर्द, बरही, हनुमना, मधुसूदनगढ, जोबट, चीचली, टीकमगढ, टोंकखुर्द, केवलारी, पोलायकलां, बण्डा, महेश्वर, शहपुरा (जिला डिण्डौरी), धरमपुरी, पाटन, कैलारस और दमोह शामिल हैं।  

नीट पीजी परीक्षा अब 11 अगस्त 2024 को दो शिफ्टों में आयोजित होगी, नई तिथि हुई घोषित

नई दिल्ली नेशनल बोर्ड ऑफ एग्जामिनेशन (एनबीई) ने नीट पीजी परीक्षा की नई तिथि का ऐलान कर दिया है। नीट पीजी परीक्षा अब 11 अगस्त 2024 को दो शिफ्टों में आयोजित होगी। पहले नीट पीजी परीक्षा का आयोजन 23 जून 2024 को होना था लेकिन इसे स्थगित कर दिया गया था। स्वास्थ्य मंत्रालय ने नीट यूजी और यूजीसी नेट पेपर लीक से उपजे विवाद और हंगामे के बीच एग्जाम से एक दिन पहले नीट पीजी स्थगित करने का फैसला लिया था। कहा गया था कि ऐहतियातन यह कदम उठाया गया है। एग्जाम शिफ्ट से जुड़ी अधिक जानकारी बाद में सही समय पर www.natboard.edu.in पर दे दी जाएगी। इस परीक्षा में 2 लाख 38 हजार स्टूडेंट्स भाग लेंगे। आपको बता दें कि मास्टर ऑफ सर्जरी, डॉक्टर ऑफ मेडिसिन और पीजी डिप्लोमा प्रोग्राम के लिए की जाती है। इस परीक्षा में केवल वही अभ्यर्थी भाग ले सकते हैं जिनके पास एमबीबीएस की डिग्री या मेडिकल काउंसिल ऑफ इंडिया से मान्यताप्राप्त प्रोविजनल एमबीबीएस पास सर्टिफिकेट है। 2 घंटे पहले सेट होगा पेपर नीट पीजी परीक्षा पूरी पारदर्शिता और सुरक्षा के साथ कराने के लिए एनबीईएमएस ने कड़े इंतजाम किए हैं। नीट पीजी परीक्षा को लेकर गृह मंत्रालय में हुई अहम बैठक में फैसला लिया गया कि परीक्षा से महज दो घंटे पहले प्रश्न पत्र सेट होगा। नीटी पीजी की निगरानी इस बार गृह मंत्रालय भी करेगा। पेपर लीक की कोई गुंजाइश नहीं छोड़ी जाएगी। यह भी बताया जा रहा है कि जिस दिन एग्जाम होगा उसी दिन सुबह क्वेश्चन पेपर डिजिटली जनरेट (सिक्योरिली) होंगे।। इस बैठक में हेल्थ मिनिस्ट्री के अधिकारी, नेशनल बोर्ड ऑफ मेडिकल साइंसेस, टेक्निकल पार्टनर टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेस और साइबर सेल के अधिकारी शामिल हुए थे। नीट पीजी परीक्षा कंप्यूटर बेस्ड मोड में ऑनलाइन होगी। यह परीक्षा 3 घंटे 30 मिनट की होगी। नीट पीजी परीक्षा के 3 सेक्शन होंगे। परीक्षा में 800 अंकों के लिए कुल 200 बहुविकल्पीय प्रश्न होंगे।  उम्मीदवारों को प्रत्येक सही उत्तर के लिए 4 अंक मिलेंगे और गलत उत्तर के लिए 1 अंक काटा जाएगा।

slot server thailand super gacor

spaceman slot gacor

slot gacor 777

slot gacor

Nexus Slot Engine

bonus new member

olympus

situs slot bet 200

slot gacor

slot qris

link alternatif ceriabet

slot kamboja

slot 10 ribu

https://mediatamanews.com/

slot88 resmi

slot777

https://sandcastlefunco.com/

slot bet 100

situs judi bola

slot depo 10k

slot88

slot 777

spaceman slot pragmatic

slot bonus

slot gacor deposit pulsa

rtp slot pragmatic tertinggi hari ini

slot mahjong gacor

slot deposit 5000 tanpa potongan

mahjong

spaceman slot

https://www.deschutesjunctionpizzagrill.com/

spbo terlengkap

cmd368

368bet

roulette

ibcbet

clickbet88

clickbet88

clickbet88

bonus new member 100

slot777

https://bit.ly/m/clickbet88

https://vir.jp/clickbet88_login

https://heylink.me/daftar_clickbet88

https://lynk.id/clickbet88_slot

clickbet88

clickbet88

https://www.burgermoods.com/online-ordering/

https://www.wastenotrecycledart.com/cubes/

https://dryogipatelpi.com/contact-us/

spaceman slot gacor

ceriabet link alternatif

ceriabet rtp

ceriabet

ceriabet link alternatif

ceriabet link alternatif

ceriabet login

ceriabet login

cmd368

sicbo online live

Ceriabet Login

Ceriabet

Ceriabet

Ceriabet

Ceriabet

casino online

clickbet88

login kudahoki88

Ceriabet

Ceriabet

Ceriabet

slot olympus

sbobet

slot thailand

sbobet