LATEST NEWS

संयुक्त राष्ट्र जनसंख्या कोष के अधिकारी ने कहा- भारत ने गरीबी कम करके दिखाई है, UN अधिकारी ने जमकर की तारीफ

नई दिल्ली भारत ने गरीबी कम करने, विद्युतीकरण को विस्तार देने और स्वच्छ जल एवं स्वच्छता तक पहुंच में महत्वपूर्ण प्रगति की है। यह जानकारी संयुक्त राष्ट्र जनसंख्या कोष (UNFPA) की कार्यकारी निदेशक नतालिया केनम ने दी। अपनी तीन दिवसीय भारत यात्रा के दौरान, केनम ने कहा, “जब मैं पीछे मुड़कर देखती हूं, तो पाती हूं कि गरीबी में महत्वपूर्ण कमी आई है। विद्युतीकरण में हुई प्रगति और सभी के लिए स्वच्छ जल व स्वच्छता की आकांक्षाओं को देखना आश्चर्यजनक है। संयुक्त राष्ट्र के लिए यह गर्व की बात है कि हम इन उपलब्धियों में प्रमुख साझेदार रहे हैं।” केनम पिछले 30 वर्षों से भारत का दौरा कर रही हैं। उन्होंने देश में हुए सकारात्मक बदलावों का जिक्र किया। ANI को दिए इंटरव्यू में केनम ने कहा, “भारत में प्रगति की गति और तेजी उत्साहजनक है। यह देखना प्रेरणादायक है कि भारत सकारात्मक परिवर्तन का एक प्रमुख उदाहरण बन गया है। जब भारत प्रगति करता है, तो ग्रामीण इलाकों सहित पूरे समुदायों में बड़े बदलाव होते हैं।” UNFPA के भारत के साथ 50 वर्षों की साझेदारी का जश्न मनाते हुए, उन्होंने भारत सरकार, समुदायों और अन्य भागीदारों के कठिन परिश्रम की सराहना की। उन्होंने कहा, “सभी का विकास सुनिश्चित करने की भारत की महत्वाकांक्षा वास्तव में अद्भुत है। हम गर्व करते हैं कि हमने मातृ मृत्यु दर को कम करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई, जिससे भारत ने अपने सतत विकास लक्ष्यों (SDGs) से पहले ही बढ़त हासिल की। कोई भी महिला जीवन देते समय मरनी नहीं चाहिए, और भारत इसे एक वास्तविकता बना रहा है।” उन्होंने यह भी बताया कि भारत में बाल विवाह की घटनाओं में पिछले 50 वर्षों में आधी कमी आई है। उन्होंने कहा, “यह सांस्कृतिक बदलाव, जहां बालिकाओं को शिक्षित किया जा रहा है, एक उज्जवल भविष्य का संकेत है जिसमें महिलाएं सशक्त हो रही हैं, परिवार खुशहाल हो रहे हैं और आर्थिक समृद्धि हो रही है।” भारत के वैश्विक नेतृत्व के बारे में बात करते हुए, केनम ने कहा, “भारत विकासशील देशों के साथ साझेदारी के संदर्भ में भी कदम बढ़ा रहा है, और यह क्षेत्रीय और वैश्विक स्तर पर सतत विकास के लिए मदद कर रहा है। भारत न केवल एक आर्थिक महाशक्ति है, बल्कि यह सतत विकास लक्ष्यों पर भी ध्यान केंद्रित कर रहा है, खासकर उन क्षेत्रों में जो महिलाओं और बालिकाओं के लिए महत्वपूर्ण हैं, जो UNFPA के मुख्य उद्देश्यों में शामिल हैं।” उन्होंने डिजिटल क्रांति को भी भारत की बड़ी उपलब्धि बताया, जो जमीनी स्तर पर लोगों के जीवन को बदल रही है। उन्होंने कहा, “भारत की डिजिटल सेवाओं में इनोवेशन ने दूरदराज के इलाकों में महिलाओं के लिए जीवन को आसान बना दिया है। मोबाइल फोन की पहुंच के साथ, कई महिलाएं अब सरकारी सेवाओं और UNFPA की जानकारी तक सीधे पहुंच पा रही हैं।” अपनी यात्रा के उद्देश्य पर बात करते हुए केनम ने बताया, “मैं यहां हमारी समर्पित टीम के साथ यह जश्न मनाने आई हूं कि हम कैसे भारत को ‘कोई पीछे न छूटे’ के लक्ष्य को प्राप्त करने में मदद कर रहे हैं। राजस्थान, ओडिशा, मध्य प्रदेश और अन्य जगहों पर हमारी कोशिशें सकारात्मक पुरुषत्व, डेटा-आधारित विकास और युवाओं को सशक्त करने पर केंद्रित हैं, ताकि वे समाज में सक्रिय रूप से योगदान दे सकें।” उन्होंने भारत की महिलाओं द्वारा नेतृत्व किए जा रहे विकास पर भी खुशी जताई और कहा, “यह देखना प्रेरणादायक है कि भारत सरकार पूरे क्षेत्रों में महिलाओं के नेतृत्व वाले विकास की बात कर रही है। UNFPA और संयुक्त राष्ट्र यह सुनिश्चित करने के लिए काम कर रहे हैं कि महिलाएं और बालिकाएं विकास के केंद्र में रहें और जो लोग पीछे छूट गए हैं, उन्हें उनका मानव गरिमा का अधिकार मिले।” अंत में, केनम ने भारत में अपने व्यक्तिगत अनुभवों को साझा किया। उन्होंने कहा, “एक चिकित्सक के रूप में, मुझे कोयंबटूर, तमिलनाडु में आयुर्वेद का अनुभव करने का सौभाग्य प्राप्त हुआ। मैंने भारत की जीवंत संस्कृति का भी आनंद लिया, चाहे वह फैशन हो या भोजन, और इसे महिलाओं और बालिकाओं की दृष्टि से देखा। यहां आकर और भारत की प्रगति के समर्थन में फिर से प्रतिबद्धता जताकर बहुत खुशी हो रही है।”

अब चुनाव आयोग ने खड़गे को पत्र लिखकर आपत्ति दर्ज कराई, जाने क्या है मामला

नई दिल्ली हरियाणा में 48 सीटें जीतकर बीजेपी ने हैट्रिक मारी है. वहीं जीत की आस लगाए बैठी कांग्रेस को तगड़ा झटका लगा. पार्टी के खाते में सिर्फ 37 सीटें ही आईं. नतीजे आने के बाद कांग्रेस नेता जयराम रमेश और पवन खेड़ा ने नतीजों में गड़बड़ी का आरोप लगाते हुए इसे तंत्र की जीत और लोकतंत्र की हार बता दिया था. इसको लेकर चुनाव आयोग ने आपत्ति दर्ज कराई है और कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे को पत्र लिखा है और कांग्रेस प्रतिनिधिमंडल को मिलने का समय दिया है. चुनाव आयोग ने खड़गे से कहा कि वह अप्रत्याशित परिणामों पर पार्टी अध्यक्ष के रुख को मानता है, न कि पार्टी के कुछ नेताओं के इस रुख को कि परिणाम स्वीकार्य नहीं हैं. कांग्रेस नेताओं को बयान पर आयोग ने कहा कि देश की समृद्ध लोकतांत्रिक विरासत में सामान्य अर्थों में उपर्युक्त जैसा अभूतपूर्व बयान अनसुना है, यह मुक्त भाषण और अभिव्यक्ति के वैध हिस्से से बहुत दूर है और यह वैधानिक और नियामक चुनावी ढांचे के अनुसार व्यक्त लोगों की इच्छा को अलोकतांत्रिक रूप से अस्वीकार करने की ओर बढ़ता है, जो जम्मू-कश्मीर और हरियाणा सहित देश के सभी चुनावों में समान रूप से लागू होता है. EC ने आगे कहा, “इस बीच आयोग ने आपके और विपक्ष के नेता के उन बयानों को नोट किया है, जिनमें हरियाणा के नतीजों को “अप्रत्याशित” बताया गया है और कांग्रेस इसका विश्लेषण करने और अपनी शिकायतों के साथ चुनाव आयोग से संपर्क करने का प्रस्ताव रखती है. चुनाव आयोग को अब एक अनुरोध प्राप्त हुआ है, जिसमें कांग्रेस के 12 सदस्यीय आधिकारिक प्रतिनिधिमंडल से मिलने का समय मांगा गया है, जिसमें वे सदस्य भी शामिल हैं, जिन्होंने पैरा 1 और 2 में उल्लिखित प्रकृति में बयान दिया है.” चुनाव आयोग ने कहा कि इस उचित धारणा पर आगे बढ़ते हुए कि पार्टी अध्यक्ष का बयान चुनावी नतीजों पर पार्टी की औपचारिक स्थिति है, चुनाव आयोग ने आज शाम 6 बजे (बुधवार) सुकुमार सेन हॉल (सातवीं मंजिल), निर्वाचन सदन में प्रतिनिधिमंडल से मिलने पर सहमति व्यक्त की है. कांग्रेस नेताओं ने लगाए थे ये आऱोप मंगलवार को नतीजे आने के बाद कांग्रेस नेता पवन खेड़ा और जयराम रमेश ने प्रेस कॉन्फ्रेंस करते हुए आरोप लगाया था कि हरियाणा के नतीजे बहुत अप्रत्याशित हैं, इसको हम स्वीकार नहीं कर सकते. कई जिलों से गंभीर शिकायत आई है. पवन खेड़ा ने कहा था कि नतीजे चौंकाने वाले हैं और जमीनी स्तर पर हमने जो देखा, उसके बिल्कुल विपरीत हैं. हमें अपने कार्यकर्ताओं से मतगणना से संबंधित शिकायतें मिल रही हैं. जल्द ही हम औपचारिक शिकायत दर्ज कराएंगे. यह तंत्र की जीत है, लोकतंत्र की नहीं. हम यह स्वीकार नहीं कर सकते. वहीं जयराम रमेश ने कहा था कि हम एक या दो दिन में हम चुनाव आयोग के पास जाएंगे और औपचारिक शिकायत दर्ज कराएंगे. स्थानीय अधिकारियों पर दबाव था. कई सीटें ऐसी हैं जहां हम हार ही नहीं सकते, लेकिन वहां हम हारे हैं. नतीजे भावनाओं के खिलाफ हैं. तीन जिलों में मतगणना को लेकर हमारे पास गंभीर शिकायतें हैं. यह जानकारी एकत्रित की जाएगी. हरियाणा में नतीजे पूरी तरह अप्रत्याशित, आश्चर्यजनक और विरोधाभासी हैं. यह जमीनी हकीकत के विपरीत हैं. यह हरियाणा के लोगों की इच्छा के विपरीत हैं, इन परिस्थितियों में इन नतीजों को स्वीकार करना संभव नहीं है.  

नियमित योग और प्राणायाम तनाव को कम करने, मानसिक शांति बनाए रखने और जीवन में सकारात्मकता लाने का प्रभावी साधन है- उप मुख्यमंत्री शुक्ल

मानसिक स्वास्थ्य के लिए योग, प्राणायाम और स्वस्थ जीवनशैली को अपनाना अत्यंत आवश्यक: उप मुख्यमंत्री शुक्ल उप मुख्यमंत्री शुक्ल ने कहा मानसिक स्वास्थ्य का सीधा संबंध हमारे दैनिक जीवन, विचारधारा और दिनचर्या से होता है नियमित योग और प्राणायाम तनाव को कम करने, मानसिक शांति बनाए रखने और जीवन में सकारात्मकता लाने का प्रभावी साधन है- उप मुख्यमंत्री शुक्ल भोपाल उप मुख्यमंत्री राजेन्द्र शुक्ल ने विश्व मानसिक स्वास्थ्य दिवस (10 अक्टूबर) के अवसर पर प्रदेशवासियों को स्वस्थ और संतुलित जीवन जीने का संदेश दिया है। उन्होंने कहा कि मानसिक स्वास्थ्य का सीधा संबंध हमारे दैनिक जीवन, विचारधारा और दिनचर्या से होता है। स्वस्थ मानसिक स्थिति के लिए योग, प्राणायाम, और स्वस्थ जीवनशैली को अपनाना अत्यंत आवश्यक है। नियमित योग और प्राणायाम तनाव को कम करने, मानसिक शांति बनाए रखने और जीवन में सकारात्मकता लाने का प्रभावी साधन है। शुद्ध और पौष्टिक आहार रखता है मन को शांत और स्थिर उप मुख्यमंत्री शुक्ल ने वैदिक जीवनशैली और आहार संबंधी आदतों पर जोर देते हुए कहा कि संतुलित आहार और सात्विक जीवन-शैली हमारे शारीरिक स्वास्थ्य को बेहतर बनाती है, साथ ही मानसिक स्वास्थ्य के लिए भी अत्यंत लाभकारी है। शुद्ध और पौष्टिक आहार का सेवन हमारे मन को शांत और स्थिर रखता है। ताजा भोजन और नियमित दिनचर्या का पालन कर हम मानसिक तनाव और अवसाद से बच सकते हैं। मानसिक स्वास्थ्य को समझें, सहायता लेने में न हिचकिचाएं उप मुख्यमंत्री शुक्ल ने कहा कि मानसिक स्वास्थ्य का हमारे जीवन में महत्वपूर्ण स्थान है, लेकिन अक्सर इसे नजरअंदाज कर दिया जाता है। मानसिक तनाव, चिंता, अवसाद और अन्य भावनात्मक समस्याएं किसी भी व्यक्ति के जीवन को प्रभावित कर सकती हैं। इन लक्षणों को पहचानना और सही समय पर डॉक्टर या मानसिक स्वास्थ्य विशेषज्ञ से सहायता लेना बेहद जरूरी है। मानसिक स्वास्थ्य से जुड़े मुद्दों के प्रति जागरूक रहें और किसी भी प्रकार की समस्या होने पर इलाज कराने में संकोच न करें। सही मार्गदर्शन और उपचार से आप स्वस्थ और खुशहाल जीवन जी सकते हैं। 30 अक्टूबर तक मनाया जाएगा मानसिक स्वास्थ्य माह शिविरों में की जाएगी स्क्रीनिंग , उपचार एवं परामर्श सेवाएं विश्व मानसिक स्वास्थ्य दिवस हर साल 10 अक्टूबर को मनाया जाता है, जिसका उद्देश्य मानसिक स्वास्थ्य से जुड़े मुद्दों के प्रति जागरूकता बढ़ाना और मानसिक विकारों से ग्रस्त लोगों को सहायता प्रदान करना है। इस वर्ष की थीम ‘मानसिक स्वास्थ्य को कार्यस्थल पर बढ़ावा देने’ से संबंधित है, जो कि कार्यस्थल में मानसिक स्वास्थ्य के महत्व पर केंद्रित है। प्रदेश में 10 अक्टूबर से 30 अक्टूबर तक मानसिक स्वास्थ्य माह का आयोजन किया जाएगा। जिसमें मानसिक स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं के लिए स्वास्थ्य शिविर आयोजित होंगे। शिविरों में स्क्रीनिंग, उपचार एवं परामर्श सेवाएं दी जाएगी। मानसिक समस्या से ग्रस्त व्यक्तियों के देखभालकर्ताओं हेतु जागरूकता सेमिनार आयोजित उपलब्ध रहेंगी। गर्भवती एवं धात्री महिलाओं के लिए विशेष मानसिक स्वास्थ्य स्क्रीनिंग शिविर आयोजित होंगे। कार्य स्थल पर मानसिक स्वास्थ्य के महत्व के विषय पर उन्मुखीकरण कार्यक्रमों का आयोजन किया जाएगा। वर्तमान वित्तीय वर्ष में 1 लाख 20 हज़ार से अधिक का उपचार विश्व स्वास्थ्य संगठन के अनुसार, विश्व की लगभग 10% जनसंख्या मानसिक स्वास्थ्य समस्याओं से जूझ रही है। इस चुनौती से निपटने के लिए राष्ट्रीय मानसिक स्वास्थ्य कार्यक्रम के तहत मध्यप्रदेश में विभिन्न स्तरों पर अंतःक्षेप किये जा रहे हैं। वित्तीय वर्ष 2023-24 में 3,27,790 लोगों की स्क्रीनिंग और 2,17,559 मरीजों को निःशुल्क उपचार प्रदान किया गया। अप्रैल 2024 से सितंबर 2024 तक 1,82,898 लोगों की स्क्रीनिग एवं 1,23,226 मरीजों को निःशुल्क उपचार प्रदान किया गया। मानसिक समस्या ग्रस्त व्यक्तियों के लिये प्रत्येक जिला अस्पताल में “मनकक्ष” प्रत्येक जिला अस्पताल के “मनकक्ष” में मानसिक समस्या ग्रस्त व्यक्तियों की स्क्रीनिंग, उपचार और काउंसिलिंग की जाती है। गंभीर मानसिक रोगियों को इंदौर, ग्वालियर या मेडिकल कॉलेजों के मानसिक रोग विभाग में रेफर किया जाता है। टेली-मानस हेल्पलाइन (14416 अथवा 1800- 891-4416) पर 24X7 निःशुल्क परामर्श उपलब्ध मानसिक स्वास्थ्य जागरूकता के लिए स्कूल, कॉलेज, ओल्ड एज होम, जैसे विभिन्न संस्थानों में सेमिनार आयोजित किए गए हैं। सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों और शहरी प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों पर विशेष शिविरों में मानसिक रोगियों की स्क्रीनिंग और काउंसलिंग की जाती है। इंदौर और ग्वालियर में टेलीमानस केंद्र स्थापित किए गए हैं। टेली-मानस हेल्पलाइन नंबर (14416 अथवा 1800- 891-4416) पर 24X7 कॉल कर निःशुल्क परामर्श प्राप्त कर सकते है। प्रदेश में वित्तीय वर्ष 2023-24 में 42,012 कॉल के माध्यम से परामर्श सेवायें प्रदान की गई। अप्रैल 2024 से सितंबर 2024 तक 27,951 कॉल के माध्यम से परामर्श सेवायें प्रदान की गई। “मनहित” ऐप से मिल रही है मानसिक स्वास्थ्य सेवाओं की जानकारी मानसिक स्वास्थ्य साक्षरता बढ़ाने और मानसिक स्वास्थ्य सेवाओं की उपलब्धता पर जागरूकता लाने के लिए “मनहित” ऐप लांच किया गया है। “मनहित” ऐप के तीन खंड़ मानसिक स्वास्थ्य स्व-मूल्यांकन, जागरूकता सामग्री, और संपर्क सुविधा है। 18 वर्ष से कम और अधिक आयु के व्यक्ति या उनके अभिभावक व्यवहार संबंधी समस्याओं की जांच कर सकते हैं। स्व-मूल्यांकन के आधार पर ऐप, तनाव, चिंता, अवसाद, मादक द्रव्यों के सेवन आदि के लिए मार्गदर्शन और जागरूकता सामग्री प्रदान करता है। यह उपयोगकर्ताओं को टेली-मानस, मनकक्ष, और अन्य मानसिक स्वास्थ्य सेवाओं से जोड़ता है।

फॉर्टिफाइड चावल स्‍कीम के लिए 17,082 करोड़ रुपये खर्च करेगी मोदी सरकार

नई दिल्‍ली  प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में केंद्रीय मंत्रिमंडल ने एनीमिया और पोषक तत्वों की कमी को दूर करने के लिए 17,082 करोड़ रुपये की लागत वाली एक स्‍कीम को मंजूरी दी है। इस योजना के तहत फोर्टिफाइड चावल को बढ़ावा दिया जाएगा। योजना का पूरा खर्च केंद्र सरकार उठाएगी। राष्ट्रीय परिवार स्वास्थ्य सर्वेक्षण (NFHS-5) के अनुसार, 2019 से 2021 के बीच एनीमिया भारत में एक बड़ी समस्या बनी हुई है। यह बच्चों, महिलाओं और पुरुषों सभी को प्रभावित करता है। आयरन की कमी के अलावा, विटामिन बी12 और फोलिक एसिड जैसी अन्य विटामिन और खनिज की कमी भी बनी रहती है। इससे लोगों के स्वास्थ्य और उत्पादकता पर असर पड़ता है। दुनिया भर में एनीमिया और कुपोषण से निपटने के लिए खाद्य पदार्थों को फोर्टिफाइड किया जाता है। भारत में 65% लोग चावल खाते हैं। ऐसे में पोषक तत्वों की आपूर्ति के लिए चावल एक आदर्श माध्यम है। चावल फोर्टिफिकेशन में FSSAI की ओर से निर्धारित मानकों के अनुसार सूक्ष्म पोषक तत्वों (आयरन, फोलिक एसिड, विटामिन बी 12) से समृद्ध फोर्टिफाइड राइस कर्नेल (FRK) को सामान्य चावल में मिलाया जाता है। इसके अलावा कैबिनेट ने दो और महत्‍वपूर्ण फैसले लिए हैं। इनमें गुजरात में नेशनल मेरिटाइम हेरिटेज कॉम्‍प्‍लेक्‍स का विकास और राजस्थान तथा पंजाब के सीमावर्ती क्षेत्रों में बुनियादी ढांचे में सुधार शामिल हैं। नेशनल मेरिटाइम हेरिटेज कॉम्‍प्‍लेक्‍स के विकास को हरी झंडी केंद्रीय मंत्रिमंडल ने गुजरात के लोथल में नेशनल मेरिटाइम हेरिटेज कॉम्‍प्‍लेक्‍स (NMHC) के विकास को मंजूरी दे दी है। यह दो चरणों में पूरा होगा। इससे स्थानीय लोगों को रोजगार मिलेगा और पर्यटन को बढ़ावा मिलेगा। पहले चरण (1A) में 1,238.05 करोड़ रुपये की लागत आएगी। इसमें प्रमुख बंदरगाह, रक्षा मंत्रालय (भारतीय नौसेना) और संस्कृति मंत्रालय का योगदान होगा। मंत्रिमंडल ने चरण 1B और चरण 2 के लिए भी सैद्धांतिक मंजूरी दे दी है। इनके लिए धन स्वैच्छिक संसाधनों से जुटाया जाएगा। चरण 1B में 266.11 करोड़ रुपये की लागत से लाइट हाउस संग्रहालय का निर्माण शामिल है। इसके लिए धन लाइटहाउस और लाइटशिप महानिदेशालय की ओर से दिया जाएगा। इस परियोजना से 15,000 प्रत्यक्ष और 7,000 अप्रत्यक्ष रोजगार सृजित होने की उम्मीद है। इससे स्थानीय समुदायों, पर्यटकों, शोधकर्ताओं, सरकारी निकायों, शिक्षण संस्थानों, सांस्कृतिक संगठनों, पर्यावरण समूहों और व्यवसायों को लाभ होगा। सीमावर्ती क्षेत्रों में 2,280 किमी सड़क का निर्माण इसके अलावा, केंद्रीय मंत्रिमंडल ने राजस्थान और पंजाब के सीमावर्ती क्षेत्रों में 2,280 किलोमीटर सड़कों के निर्माण को भी मंजूरी दी है। इसमें 4,406 करोड़ रुपये का निवेश होगा। यह परियोजना प्रधानमंत्री मोदी के सीमावर्ती क्षेत्रों में बुनियादी ढांचे को मजबूत बनाने पर ध्यान केंद्रित करने के अनुरूप है। इसका उद्देश्य ग्रामीण आजीविका को बढ़ावा देना, यात्रा में सुधार करना और राष्ट्रीय राजमार्ग नेटवर्क के साथ बेहतर संपर्क सुनिश्चित करना है। यह पहल इन सीमावर्ती क्षेत्रों को बेहतर सड़कों, दूरसंचार संपर्क, पानी की आपूर्ति, स्वास्थ्य सेवा और शिक्षा सुविधाओं वाले जीवंत गांवों में बदलने के व्यापक प्रयास का हिस्सा है।

PWD ने 6 फ्लैग स्टाफ रोड मुख्यमंत्री आवास को सील कर , गेट पर डबल लॉक लगाया

 नई दिल्ली दिल्ली में एक बार फिर बड़ा सियासी घटनाक्रम देखने को मिल रहा है. कारण, PWD ने 6 फ्लैग स्टाफ रोड स्थित मुख्यमंत्री आवास को सील कर दिया है. इसके गेट पर विभाग ने डबल लॉक लगा दिया है. अरविंद केजरीवाल द्वारा सीएम पद से इस्तीफा दिए जाने के बाद इस सरकारी आवास को खाली किया गया था. वहीं आतिशी सीएम बनने के बाद इसमें शिफ्ट हुई थीं. आवास को खाली करने और हैंडओवर को लेकर ही विवाद है, जिसके बाद पीडब्लूडी ने एक्शन लिया है. इसके अलावा दिल्ली के विजिलेंस डिपार्टमेंट में पीडब्ल्यूडी के दो सेक्शन ऑफिसर और अरविंद केजरीवाल के पूर्व स्पेशल सेक्रेटरी को तरीके से हैंडओवर लेने के लिए कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है. आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल के दिल्ली के मुख्यमंत्री पद से इस्तीफा देने के बाद से दिल्ली की सियासत गरमाई हुई है, जहां अब दिल्ली की मुख्यमंत्री आतिशी बन तो गई हैं लेकिन उन्हें मुख्यमंत्री आवास आवंटित नहीं हुआ है, जिसको लेकर आप सांसद संजय सिंह ने बीजेपी पर हमला बोला. उन्होंने कहा कि बीजेपी सीएम आवास पर कब्जा करना चाहती है. संजय सिंह ने कहा कि पिछले कई दिनों से भारतीय जनता पार्टी झूठ और भ्रम फैलाने के काम में लगी हुई है और कई हथकंडे दिल्ली में अपनाए हैं. हमारी पार्टी को तोड़ने का प्रयास किया. 27 साल से BJP दिल्ली में चुनाव हार रही है. चुनाव हारने के बाद आम आदमी पार्टी और केजरीवाल को खत्म करने का प्रयास किया. उसके बाद हमारे कार्यकर्ताओं और नेताओं को तोड़ने का प्रयास किया. उसमें भी फेल हो गए और किसी को तोड़ नहीं पाए तो अब मुख्यमंत्री के आवास पर कब्जा करना चाहते हैं. बीजेपी पर लगाया यह आरोप उन्होंने आगे कहा कि मैं ऐसा इसलिए कह रहा हूं क्योंकि जब अरविंद केजरीवाल ने मुख्यमंत्री आवास खाली किया, तब भी इन्होंने दुष्प्रचार फैलाया. उन्होंने पेपर दिखाते हुए कहा कि यह प्रमाण पत्र है कि अरविंद केजरीवाल ने मुख्यमंत्री आवास खाली कर दिया है. यह उसका प्रमाण है. उन्होंने आगे कहा कि मुख्यमंत्री के रूप में आतिशी को उस आवास में जाना था लेकिन मुख्यमंत्री होने के बावजूद वह आवास सीएम आतिशी को आवंटित नहीं किया जा रहा है. अब जो चुनाव नहीं जीत पाते और मुख्यमंत्री नहीं बना पाते वह मुख्यमंत्री आवास पर कब्जा करना चाहते हैं. चुनावी नतीजों पर कही यह बात इसके साथ ही संजय सिंह ने मंगलवार को आए हरियाणा और जम्मू-कश्मीर के चुनाव परिणाम को लेकर भी बात की. उन्होंने कहा कि हरियाणा चुनाव के नतीजे पर आज तक वह थर्मामीटर नहीं मिला जो यह तय करता हो कि हमने किसी पार्टी का वोट लिया हो. हम जाती धर्म की बात नहीं करते है, हम स्वास्थ्य, शिक्षा की बात करते है जो हर जाति धर्म के लोगों को मिलता है. इसलिए लोग चाहते है कि ऐसी पार्टी आए जो सबकी बात करती है.जम्मू कश्मीर में आप पार्टी एक सीट पर चुनाव जीती है, पूरे चुनाव में वहां पर केजरीवाल के मॉडल की बात की गई. देश के 5 वें राज्य में आप पार्टी की एंट्री हो चुकी है यह हमारे लिए सुखद बात है   केजरीवाल ने खाली किया विवादों से सुर्खियों में रहा आवास  दिल्ली के मुख्यमंत्री पद से इस्तीफा देने के बाद अरविंद केजरीवाल ने आज अपना सरकारी आवास खाली कर दिया. राजनीति में आने से पहले दिल्ली से सटे गाजियाबाद में अरविंद केजरीवाल परिवार के संग रहते थे. जब वे पहली बार 2013 में दिल्ली के मुख्यमंत्री बने थे, तब आईटीओ के समीप तिलक लेन के सरकारी फ्लैट मैं कुछ समय तक रहे. दोबारा वर्ष 2015 में जब पूर्ण बहुमत से आम आदमी पार्टी की सरकार बनी तब से लेकर अभी तक अरविंद केजरीवाल सिविल लाइंस स्थित इसी सरकारी आवास में रह रहे थे. शुरुआत में सब कुछ सामान्य रहा. इसी आवास के एक हिस्से में मुख्यमंत्री कार्यालय भी चल रहा था. लेकिन वर्ष 2020 में जब तीसरी बार केजरीवाल दिल्ली के मुख्यमंत्री बने तब इस सरकारी आवास के सौंदर्यीकरण का फैसला लिया गया. उसके बाद से यह सरकारी आवास विवादों के चलते सुर्खियों में आ गया. विपक्ष ने इसे शीशमहल का नाम दिया. इसके सौंदर्यीकरण पर करोड़ों रुपए खर्च हुए और तब से आम आदमी पार्टी में केजरीवाल के करीबी नेताओं को ही इस आवास में एंट्री थी. बाहर से आए आगंतुकों के लिए एक क्षेत्र विशेष तक ही सीमित रखा गया था. आज आखिरकार यह आवास छोड़कर अरविंद केजरीवाल आम आदमी पार्टी के सांसद अशोक मित्तल को नई दिल्ली के फिरोजशाह रोड स्थित बंगला नंबर 5 में परिवार संग शिफ्ट हो रहे हैं.   सरकारी आवास के रेनोवेशन में 45 करोड़ खर्च, हो रही है जांच सिविल लाइंस 6 फ्लैग स्टाफ रोड स्थित इस सरकारी आवास में रेनोवेशन के नाम पर करीब 45 करोड़ खर्च हुए हैं. कांग्रेस नेता अजय माकन और बीजेपी नेता मनोज तिवारी, रामवीर सिंह बिधूड़ी ने इसकी शिकायत की तब उपराज्यपाल ने इस मामले की अनियमितता की जांच दी. सरकारी आवास में हुए रेनोवेशन के संबंध में एलजी ने तत्कालीन मुख्य सचिव से विस्तृत जानकारी मांगी थी और इससे संबंधित सभी दस्तावेज सुरक्षित रखने को कहा था. सुनीता केजरीवाल ने सौंपी घर की चाबियां दिल्ली सरकार के लोक निर्माण विभाग के एक वरिष्ठ अधिकारी के अनुसार यह सौंदर्यीकरण नहीं था पुराने ढांचे के स्थान पर एक नया घर बनाया गया और वहां उनका कैंप ऑफिस भी है. खर्च लगभग 45 करोड़ रुपये हुए हैं. लोक निर्माण विभाग ने ऑडिट के बाद इसके जीर्णोद्धार की रिपोर्ट दी थी. पुराने ढांचे के स्थान पर एक नया ढांचा बनाया गया है. दस्तावेज के अनुसार निर्माण पर 43.70 करोड़ की स्वीकृति राशि के मुकाबले कुल 44.78 करोड़ रुपये सिविल लाइंस में के 6 फ्लैग स्टाफ रोड पर केजरीवाल के सरकारी आवास पर खर्च हुए हैं. लोक निर्माण विभाग के रिकॉर्ड के अनुसार 1970 के आसपास इस घर का निर्माण हुआ था और यह घर दिल्ली सरकार के मुख्य सचिव स्तर के अधिकारी को रहने के लिए बनाया गया था. अरविंद केजरीवाल ने छोड़ा मुख्यमंत्री आवास सरकारी आवास के आंतरिक साज-सज्जा पर करोड़ों खर्चउपराज्यपाल को सरकारी आवास के सौंदर्यीकरण पर पानी की तरह करोड़ों खर्च करने की … Read more

आरबीआई ने वित्त वर्ष की तीसरी और चौथी तिमाही के अपने वृद्धि दर के अनुमान को 7.3 और 7.2 से बढ़ाकर 7.4 प्रतिशत किया

मुंबई  भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) ने उपभोक्ता मांग तथा निवेश बेहतर रहने की संभावना के बीच चालू वित्त वर्ष 2024-25 के लिए अपने सकल घरेलू उत्पाद (जीडीपी) की वृद्धि के अनुमान को 7.2 प्रतिशत पर कायम रखा है। हालांकि, केंद्रीय बैंक ने दूसरी तिमाही के अपने वृद्धि दर के अनुमान को 7.2 प्रतिशत से घटाकर सात प्रतिशत कर दिया है। भारतीय रिजर्व बैंक के गवर्नर शक्तिकान्त दास ने बुधवार को चालू वित्त वर्ष की चौथी द्विमासिक मौद्रिक नीति की घोषणा करते हुए कहा कि चालू वित्त वर्ष की पहली तिमाही में अर्थव्यवस्था की वृद्धि दर 6.7 प्रतिशत रही। पहले इसके 7.1 प्रतिशत रहने का अनुमान लगाया गया था। इसके अलावा आरबीआई ने चालू वित्त वर्ष की तीसरी और चौथी तिमाही के अपने वृद्धि दर के अनुमान को क्रमश: 7.3 और 7.2 प्रतिशत से बढ़ाकर 7.4 प्रतिशत कर दिया है। आरबीआई ने अगस्त में अपनी पिछली द्विमासिक मौद्रिक नीति समीक्षा में सकल घरेलू उत्पाद की वृद्धि दर के 7.2 प्रतिशत पर रहने का ही अनुमान लगाया था। गवर्नर दास ने चालू वित्त वर्ष की चौथी द्विमासिक मौद्रिक नीति की घोषणा करते हुए कहा कि भारत की वृद्धि गाथा कायम है क्योंकि वृद्धि को रफ्तार देने वाले कारक उपभोग तथा निवेश मांग में मजबूती है। उन्होंने कहा, ‘‘कुल मांग में महत्वपूर्ण हिस्सा रखने वाले निजी उपभोग की संभावनाएं बेहतर हैं क्योंकि कृषि परिदृश्य और ग्रामीण मांग की स्थिति बेहतर हुई है। सेवाओं में तेजी से शहरी मांग को भी समर्थन मिलेगा। केंद्र और राज्यों के सरकारी खर्च के बजट अनुमान के अनुरूप तेजी पकड़ने की उम्मीद है।’’ गवर्नर ने कहा कि उपभोक्ता और कारोबारी भरोसे से निवेश गतिविधियों को लाभ होगा। इसके अलावा सरकार निवेश पर जोर दे रही है और बैंकों तथा कॉरपोरेट जगत का बही-खाता भी मजबूत है। उन्होंने कहा, ‘‘ इन सब बातों को ध्यान में रखते हुए हमारा अनुमान है कि चालू वित्त वर्ष में जीडीपी वृद्धि दर 7.2 प्रतिशत रहेगी। दूसरी तिमाही में इसके सात प्रतिशत, तीसरी में 7.4 प्रतिशत और चौथी तिमाही में 7.4 प्रतिशत रहने का अनुमान है। अगले वित्त वर्ष 2025-26 की पहली तिमाही में भारतीय अर्थव्यवस्था के 7.3 प्रतिशत की दर से बढ़ने का अनुमान है।’’   मुद्रास्फीति पर सख्ती से लगाम लगानी होगी, अन्यथा यह फिर बढ़ सकती है: आरबीआई गवर्नर  भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) ने चालू वित्त वर्ष 2024-25 के लिए खुदरा मुद्रास्फीति के अपने अनुमान को बुधवार को 4.5 प्रतिशत पर बरकरार रखा। आरबीआई के गवर्नर शक्तिकान्त दास ने चालू वित्त वर्ष की चौथी द्विमासिक मौद्रिक नीति समीक्षा के बाद बुधवार को इस बात पर जोर दिया कि केंद्रीय बैंक को कीमतों की स्थिति पर कड़ी नजर रखनी होगी और ‘‘मुद्रास्फीति’’ पर सख्ती से लगाम लगानी होगी, नहीं तो इसमें फिर से तेजी आ सकती है। गवर्नर ने यह भी कहा कि लचीले मुद्रास्फीति लक्ष्य (एफआईटी) ढांचे को 2016 में लागू किए जाने के बाद से आठ वर्ष पूरे हो गए हैं और यह भारत में 21वीं सदी का एक प्रमुख संरचनात्मक सुधार है। केंद्रीय बैंक ने एफआईटी के तहत यह सुनिश्चित किया है कि उपभोक्ता मूल्य सूचकांक (सीपीआई) आधारित खुदरा मुद्रास्फीति दो प्रतिशत घट-बढ़ के साथ चार प्रतिशत पर बनी रहे। आरबीआई ने 2024-25 के लिए उपभोक्ता मूल्य सूचकांक आधारित मुद्रास्फीति के अपने अनुमान को 4.5 प्रतिशत पर कायम रखा है। महंगाई दर के दूसरी तिमाही में 4.1 प्रतिशत, तीसरी तिमाही में 4.8 प्रतिशत और चौथी तिमाही में 4.2 प्रतिशत रहने का अनुमान है। वित्त वर्ष 2025-26 की पहली तिमाही के लिए मुद्रास्फीति के 4.3 प्रतिशत रहने का अनुमान है। जोखिम समान रूप से संतुलित हैं। दास ने कहा, ‘‘ प्रतिकूल आधार प्रभाव तथा खाद्य पदार्थों कीमतों में तेजी से सितंबर में महंगाई दर में तेजी देखने को मिल सकती है। अन्य कारकों के अलावा 2023-24 में प्याज, आलू और चना दाल के उत्पादन में कमी इसकी प्रमुख वजह होगी।’’ उन्होंने कहा कि हालांकि अच्छी खरीफ फसल, अनाज के पर्याप्त भंडार और आगामी रबी मौसम में अच्छी फसल की संभावना से इस वर्ष की चौथी तिमाही में कुल मुद्रास्फीति की दर में क्रमिक रूप से नरमी आने का अनुमान है। दास ने कहा कि प्रतिकूल मौसम और भू-राजनीतिक तनाव बढ़ने की स्थिति में मुद्रास्फीति के ऊपर जाने का जोखिम है। अक्टूबर में अंतरराष्ट्रीय स्तर पर कच्चे तेल के दाम में काफी उतार-चढ़ाव रहा है। जुलाई और अगस्त में खुदरा मुद्रास्फीति में उल्लेखनीय गिरावट आई है। इसकी मुख्य वजह आधार प्रभाव है। दास ने कहा कि खाद्य कीमतों में निकट अवधि में तेजी की आशंका के बावजूद घरेलू स्तर पर कीमत को लेकर जो स्थितियां बन रही हैं उससे आगे कुल मुद्रास्फीति में कमी आने का संकेत मिलता है।     आरबीआई की द्विमासिक मौद्रिक नीति समीक्षा की मुख्य बातें  भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) की चालू वित्त वर्ष 2024-25 की चौथी द्विमासिक मौद्रिक नीति समीक्षा की मुख्य बातें इस प्रकार हैं- * मुख्य नीतिगत दर रेपो लगातार दसवीं बार 6.5 प्रतिशत पर यथावत। * फरवरी 2023 से रेपो दर में बदलाव नहीं। * मौद्रिक नीति रुख को बदलकर ‘तटस्थ’ किया गया। * यह पुनर्गठित मौद्रिक नीति समिति (एमपीसी) की पहली बैठक थी। * चालू वित्त वर्ष के लिए सकल घरेलू उत्पाद (जीडीपी) की वृद्धि का अनुमान 7.2 प्रतिशत पर बरकरार। * दूसरी तिमाही के लिए जीडीपी वृद्धि का अनुमान सात प्रतिशत, तीसरी तिमाही के लिए 7.4 प्रतिशत और चौथी तिमाही के लिए 7.4 प्रतिशत। * चालू वित्त वर्ष के लिए मुद्रास्फीति का अनुमान 4.5 प्रतिशत पर कायम। * यूपीआई123पे (फीचर फोन के लिए) प्रति लेनदेन सीमा दोगुनी कर 10,000 रुपये करने का प्रस्ताव। * यूपीआई लाइट वॉलेट की सीमा बढ़ाकर 5,000 रुपये और प्रति लेनदेन सीमा बढ़ाकर 1,000 रुपये करने का प्रस्ताव। * एमपीसी की अगली बैठक चार से छह दिसंबर को होगी।      

जिला चिकित्सालय, सिविल अस्पतालों, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों में विशेष शिविर होंगे आयोजित

आंखों की सुरक्षा के लिये स्वस्थ जीवनशैली को अपनाना है ज़रूरी : उप मुख्यमंत्री शुक्ल 10 अक्टूबर को “चिल्ड्रन लव योर आईज” थीम पर मनाया जाएगा विश्व दृष्टि दिवस जिला चिकित्सालय, सिविल अस्पतालों, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों में विशेष शिविर होंगे आयोजित भोपाल उप मुख्यमंत्री राजेन्द्र शुक्ल ने विश्व दृष्टि दिवस पर कहा है कि आंखों की सुरक्षा केवल बाहरी कारकों से नहीं बल्कि स्वस्थ जीवनशैली से भी जुड़ी होती है। उन्होंने कहा कि हम सभी नेत्र स्वास्थ्य के प्रति सजग रहें, स्वस्थ जीवनशैली अपनाएं और अपने बच्चों को सही दिशा में मार्गदर्शन दें। भोजन में हरी पत्तेदार सब्जियां, गाजर, खट्टे फल और विटामिन ए, सी, और ई से भरपूर खाद्य पदार्थ शामिल होने चाहिए, जो नेत्र स्वास्थ्य के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण हैं। इसके अतिरिक्त, नियमित रूप से आंखों का व्यायाम, पर्याप्त नींद और आंखों को आराम देना भी जरूरी है। स्क्रीन टाइम करें कम, बच्चों को बाहर खेलने के लिये करें प्रेरित उप मुख्यमंत्री शुक्ल ने कहा कि कई अनुसंधानों से यह तथ्य सामने आए हैं कि आज के समय में स्क्रीन टाइम के अत्यधिक उपयोग के कारण बच्चों में मायोपिया (निकट दृष्टि दोष) जैसी समस्याएं तेजी से बढ़ रही हैं। बच्चों को दिन में कुछ समय बाहर खेलने के लिए प्रेरित करें, क्योंकि प्राकृतिक रोशनी का आंखों पर सकारात्मक प्रभाव पड़ता है। डिजिटल उपकरणों का उपयोग सीमित करें और हर 20 मिनट में 20 सेकंड के लिए आंखों को आराम देने की आदत डालें। सही समय पर बच्चों की आंखों की जांच कराई जाए ताकि गंभीर नेत्र रोगों से बचाव किया जा सके। नेत्र स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता ही बच्चों के उज्ज्वल भविष्य की नींव है। नेत्रदान को सामाजिक जिम्मेदारी के रूप में अपनाएं उप मुख्यमंत्री शुक्ल ने कहा कि नेत्रदान महादान है। नेत्रदान से किसी व्यक्ति के जीवन का प्रकाशमय किया जा सकता है। उन्होंने कहा कि सभी नागरिक नेत्रदान के प्रति जागरूक हों और इसे एक सामाजिक जिम्मेदारी के रूप में अपनाएं। उल्लेखनीय है कि विश्व दृष्टि दिवस प्रतिवर्ष अक्टूबर माह के दूसरे गुरुवार को मनाया जाता है। इस वर्ष यह दिवस ” चिल्ड्रन, लव योर आईज” की थीम पर मनाया जा रहा है। स्वास्थ्य विभाग द्वारा नेत्रदान के लिए भी लोगों को जागरूक एवं प्रोत्साहित कर पंजीयन करवाया जा रहा है। नेत्रदान के इच्छुक लोग राष्ट्रीय हेल्पलाइन नंबर 1800114770 से विस्तृत जानकारी लेकर स्वैच्छिक पंजीयन करवा सकते हैं। विश्व दृष्टि दिवस (10 अक्टूबर) में आंखों की देखभाल के प्रति जागरूकता, आंखों की सुरक्षा और दृष्टि संरक्षण के महत्व के प्रति लोगों को जागरूक करने के उद्देश्य से विभिन्न गतिविधियां एवं कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। जिला चिकित्सालय, सिविल अस्पतालों, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों में विशेष शिविर आयोजित होंगे, जिसमें नेत्र रोग विशेषज्ञों और नेत्र सहायकों द्वारा आंखों की जांच एवं नेत्र देखभाल की सलाह दी जाएगी। सभी आयुष्मान आरोग्य मंदिरों में आंखों की देखभाल के लिए परामर्श कार्यक्रमों एवं जागरूकता गतिविधियों का आयोजन किया जाएगा । अंधत्व निवारण कार्यक्रम के तहत 7 लाख से अधिक नागरिक हो चुके हैं मोतियाबिंद मुक्त नेत्र रोगों के उपचार एवं देखभाल के लिए राष्ट्रीय अंधत्व नियंत्रण कार्यक्रम संचालित किया जा रहा है। अंधत्व निवारण कार्यक्रम के अंतर्गत विगत वर्षों में प्रदेश में मोतियाबिंद के कुल 7,70,866 ऑपरेशन कर नागरिकों को रोग मुक्त बनाया गया। 4 हजार अंधत्व से ग्रसित नागरिकों को कॉर्निया प्रत्यारोपण कर उन्हें रोशनी प्रदान की गई है। वर्ष 2023-24 में 10 जिलो में अत्याधुनिक फेको इमुल्सिफिकेशन मशीने प्रदाय की गयी, जिससे उच्च तकनीकी से मोतियाबिंद ऑपरेशन किये जायेंगे। वर्ष 2023-24 में कुल 15,98,081 विद्यार्थियों का नेत्र परीक्षण किया गया। 65,937 विद्यार्थियों एवं 1,23,013 वृद्धजनों को निःशुल्क चश्में वितरित किए गये। वर्तमान वित्त वर्ष में अब तक मोतियाबिंद के 1,63,600 ऑपरेशन, 2 हज़ार 232 नेत्र परीक्षण शिविर, 32,627 वृद्धजन एवं 5,313 विद्यार्थियों को निःशुल्क चश्मे का वितरण और 625 केराटोप्लास्टी की गयी हैं। वर्तमान वर्ष में 840 व्यक्तियों ने नेत्रदान किया है। राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम अंतर्गत स्कूलों एवं आंगनवाड़ी केंद्रों में चिकित्सकीय दल द्वारा आंखों की जांच की जाती है। कार्यक्रम के तहत जन्मजात दृष्टिदोष जैसे मोतियाबिंद , भेंगापन का उपचार निशुल्क किया जाता है। राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम अंतर्गत विगत वित्तीय वर्ष में 173 आनुवांशिक मोतियाबिंद, 24 रेटिनोपैथी और विज़न इम्पेयरमेंट के 7457 बालकों को लाभान्वित किया गया है।  

राउत बोले लाडली बहनों के खाते में नहीं आ रहे रुपए, सीएम मोहन यादव का पलटवार, कहा कि हार के डर से वह बोल रहे हैं झूठ

भोपाल  मध्य प्रदेश में लाडली बहनों के खाते में हर महीने राशि आती है। इस महीने भी सरकार ने पांच अक्टूबर को राशि उनके खाते में डाल दिए हैं। वहीं, महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव से पहले शिवसेना प्रवक्ता संजय राउत ने बड़ा आरोप लगाया है। उन्होंने कहा कि लाडली बहना योजना बंद हो जाएगी। वहां बहनों के खाते में रुपए नहीं आ रहे हैं। राउत के आरोपों पर सीएम मोहन यादव ने मुंहतोड़ जवाब दिया है। साथ ही कहा है कि हर महीने लाडली बहनों के खाते में रुपए आ रहे हैं। सबसे पहले जानिए संजय राउत ने क्या कहा- संजय राउत ने मीडिया से चर्चा में कहा- ये योजना पूरे देश में कहीं भी सफल नहीं हैं। ये पूरा राजनैतिक खेल है। आप मप्र जाकर देखिए योजना शुरू है या नहीं। वहां के वित्त सचिव का आदेश क्या है। ये बहुत ही इनवैलिड योजना है, जो फलदायी नहीं होगी। पूरी अर्थव्यवस्था चरमरा जाएगी। हर महीने आ रही है राशि लाडली बहना योजना बंद होने को लेकर शिवसेना (UBT) नेता संजय राउत के बयान पर मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री ने पलटवार किया है। उन्होंने कहा कि जब से हमने लाडली बहना योजना शुरू की है लगातार हर महीने, निश्चित समय पर बहनों को पैसे देने का काम किया है। वीरांगना रानी दुर्गावती की जयंती के अवसर पर एक साथ पूरे प्रदेश की बहनों के खातों में राशि डाली है। कोई ऐसा महीना नहीं जा रहा है जिसमें यह राशि नहीं डाली गई है। हार के डर से फैला रही है भ्रम सीएम मोहन यादव ने कहा कि लेकिन हार के डर से शिवसेना (UBT) के लोग महाराष्ट्र के चुनाव में मतदाताओं को बरगलाने का प्रयास कर रहे हैं। मैं एक बार फिर अपने सारे मतदाताओं से कहना चाहूंगा कि ऐसे झूठे षड्यंत्रों पर विश्वास न करें। यह नारी सशक्तिकरण की राशि है जिसे हम बंद करने हु हुई के बारे में सोच भी नहीं सकते हैं। हम उम्मीद करते हैं कि हमारी योजना के तहत बहनों के जीवन में बेहतरी हो। लाडली बहना के कारण कर्मचारियों को दीवाली पर वेतन नहीं मिलेगा राउत ने महाराष्ट्र सरकार को घेरते हुए कहा- आज ठेकेदारों का आंदोलन चल रहा है। काम करवा लिया कमीशन 40%, 20% लिया। उनका भुगतान नहीं हो रहा है। वो सभी ठेकेदार मंत्रालय में आंदोलन करने वाले हैं। ये लाड़ली बहन योजना और एक महीना चलाएंगे, बाद में बंद कर देंगे। दीवाली के समय हमारे सरकारी कर्मचारी, पुलिस, टीचर्स का वेतन नहीं होगा। ये सब लाड़ली बहन योजना के चक्कर में हो रहा है। CM बोले- हर महीने तय समय पर पैसे दे रही सरकार सीएम डॉ मोहन यादव ने लाडली बहना योजना बंद होने को लेकर राउत के बयान पर कहा, ” जब से हमने लाडली बहना योजना शुरू की है लगातार हर महीने, निश्चित समय पर प्रदेश की 1 करोड़ 29 लाख बहनों को पैसे देने का काम किया है। हमने हमारी 500 साल पूर्व की सम्राज्ञी वीरांगना रानी दुर्गावती की जयंती के अवसर पर एक साथ पूरे प्रदेश की बहनों के खातों में 5-5 हजार की राशि डाली है। कोई ऐसा महीना नहीं जा रहा है, जिसमें यह राशि नहीं डाली गई है। लेकिन, हार के डर से शिवसेना (UBT) के लोग महाराष्ट्र के चुनाव में मतदाताओं को बरगलाने का प्रयास कर रहे हैं। मैं एक बार फिर अपने सारे मतदाताओं से कहना चाहूंगा कि ऐसे झूठे षड्यंत्र पर विश्वास न करें। लाडली बहनें करेंगी शिकायत मोहन यादव ने कहा कि इन आरोपों के बाद लाडली बहनें खुद हमारे पास आई हैं। उनलोगों ने कहा है कि मुझे अपमानित किया गया है। लाडली बहनें खुद ही थाने में शिकायत करने जाएंगी। मैंने कहा कि आपको राशि मिल रही है तो शिकायत करने के लिए स्वतंत्र हैं। जून 2023 से लगातार मिल रही है राशि गौरतलब है कि तत्कालीन मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने 5 मार्च 2023 को यह योजना शुरू की थी। जून 2023 से लाडली बहनों के खाते में प्रतिमाह 1000/- रुपए की राशि आने लगी थी। 2023 में रक्षाबंधन के मौके पर ही यह राशि 1250 रुपए कर दी गई। इसके बाद से लगातार बहनों के खाते में 1250 रुपए आ रहे हैं।

पुलिस कर्मचारियों और अधिकारियों पर मेहरबान मोहन यादव सरकार, नए साल से मिलेगा बड़ा लाभ..

भोपाल  मध्य प्रदेश पुलिस के लिए एक बड़ी खुशखबरी सामने आई है। दरअसल, अफसर और कर्मचारियों को वेतन के साथ अब तक का सबसे बड़ा लाभ मिलने जा रहा है। इसमें मृत्यु होने पर 10 लख रुपए और दुर्घटना में मौत होने पर नॉमिनी को एक करोड रुपए तक का बीमा मिलेगा। इसके अलावा बच्चों की पढ़ाई, कन्या विवाह पर भी पुलिस अफसर हो और जवानों को बीमा का लाभ दिया जाएगा। इसके लिए पुलिस विभाग के अधिकारी और कर्मचारी कई सालों से सरकार से मांग भी कर रहे थे। पिछले दिनों पुलिस मुख्यालय ने पुलिस अफसर और कर्मचारियों ग्रुप टर्म इंश्योरेंस का एमओयू साइन किया है। इस एमओयू के बाद सैलरी अकाउंट के जरिए अब तक का सबसे बड़ा बीमा का लाभ पुलिस में रहते हुए इन्हें मिल सकेगा। यह एमओयू 3 साल के लिए साइन किया गया है।इसमें पुलिस वेतन पैकेज में इन सभी का बीमा कवर होगा। इस एमओयू की जानकारी पुलिस मुख्यालय ने पुलिस की सभी इकाइयों को हाल ही में भेजी है। इसमें बताया गया है कि पुलिस सैलरी पैकेज में अब सामान की मृत्यु होने पर 10 लाख रुपए, व्यक्तिगत दुर्घटना मृत्यु होने पर एक करोड रुपए, इसके साथ व्यक्तिगत दुर्घटना मृत्यु पर, कन्या विवाह पर, एक कन्या के लिए 5 लाख रुपए दिए जाएंगे। वहीं इस मद में बाल शिक्षा का लाभ भी दिया जाएगा। जिसमें बेटे के लिए 8 लाख और बेटी के लिए 10 लाख रुपए का बीमा कवर होगा। वहीं दुर्घटना में स्थाई पूर्ण दिव्यांगता हुई तो 1 करोड़ रुपए और आशिक दिव्यंका के लिए 80 लख रुपए तक मिल सकेंगे। अभी साढ़े सात लाख का मिलता है बीमा अभी पुलिस अफसर रोड कर्मचारियों को सामान्य मृत्यु पर साढ़े सात लाख रुपए का बीमा मिलता है। वही व्यक्ति का दुर्घटना में 75 लाख रुपए का बीमा है। इसके साथ ही दुर्घटना मृत्यु बीमा पर अन्य सुविधाओं में कन्या विवाह के लिए 6 लाख और शिक्षा सहायता के लिए ₹6 लाख ही मिलते हैं। हवाई दुर्घटना पर एक करोड रुपए अभी मिलते हैं जबकि नए एमओयू के बाद अब हवाई दुर्घटना में मृत्यु होने पर नॉमिनी को एक करोड़ 60 लाख रुपए भी का बीमा मिलेगा। बताया गया है कि अब सामान्य मृत्यु होने पर 10 लाख रुपए, दुर्घटना मृत्यु होने पर 1 करोड़ रुपए दए जाएंगे। इसी तरह दुर्घटना में स्थाई पूर्ण दिव्यांगता होने पर एक करोड़ रुपए और आंशिक दिव्यांगता होने पर 80 लाख तक का बीमा कवर का लाभ दिया जाएगा। इतना ही नहीं दुर्घटना मृत्यु पर कन्या विवाह पर एक कन्या के लिए 5 लाख रुपए की सहायता मिलेगी। बाल शिक्षा का भी लाभ दिया जाएगा, बेटे के लिए 8 लाख रुपए की मदद मिलेगी और बेटी की शिक्षा के लिए 10 लाख रुपए की मदद दी जाएगी, यह बीमा कवर के अंतर्गत होगा।  

पांच लोगों पर FIR दर्ज करके छापामारी कर रही पुलिस, बिहार-दरभंगा में बाजार गई नाबालिग का अपहरण

दरभंगा. दरभंगा के कमतौल थाना क्षेत्र में एक नाबालिग बच्ची के अपहरण का मामला सामने आया है, जिसमें पांच लोगों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गई है। बच्ची की मां द्वारा दर्ज कराई गई शिकायत के अनुसार, 26 सितंबर को उनकी बेटी बाजार के लिए घर से निकली थी और तब से वापस नहीं लौटी। इसके बाद खोजबीन करने पर पता चला कि गांव के सूरज यादव, शिवलाल यादव सहित अन्य लोग उसकी बेटी को जबरन एक चार पहिया वाहन में बैठाकर ले गए हैं। बच्ची की मां ने कमतौल थाना में दर्ज शिकायत में आरोप लगाया कि जब वह सूरज यादव के घर अपनी बेटी के बारे में पूछने गई, तो सूरज के परिवार ने न केवल उन्हें जवाब देने से इनकार किया, बल्कि उनके साथ मारपीट की और जान से मारने की धमकी दी। इसके बाद गांव में पंचायत बुलाई गई, जिसमें दो-तीन दिन में बच्ची के वापस आने का आश्वासन दिया गया। लेकिन जब बच्ची नहीं लौटी और फिर से शिकायत करने पर मां के साथ दोबारा मारपीट की गई। आरोपी पहले से शादीशुदा बच्ची की मां ने बताया कि आरोपी सूरज यादव पहले से शादीशुदा है और उसके दो बच्चे भी हैं। घटना वाली रात उनकी बेटी किसी काम से घर से बाहर निकली थी, लेकिन फिर लौटकर नहीं आई। आरोपियों ने चार पहिया गाड़ी का इस्तेमाल कर जबरन उसका अपहरण किया। जब अपहृत बच्ची की मां ने समाज के लोगों से मदद मांगी, तब भी उन्हें कोई ठोस सहायता नहीं मिली। आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए छापामारी कर रही पुलिस कमतौल थानाध्यक्ष ने बताया कि पीड़िता की दिव्यांग मां के आवेदन के आधार पर पांच लोगों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है। बच्ची की तलाश में लगातार छापामारी की जा रही है और जल्द से जल्द बच्ची को बरामद करने के प्रयास किए जा रहे हैं। पुलिस ने आश्वासन दिया है कि बच्ची के मिलने के बाद आरोपियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

December 2028 तक गरीबों को मुफ्त अनाज मिलेगा, मोदी सरकार का दिवाली से पहले तोफहा

 नई दिल्ली देश की गरीब जनता को अगले साल तक मुफ्त अनाज मिलता रहेगा। पीएम नरेंद्र मोदी की अगुआई में केंद्रीय कैबिनेट ने बुधवार को मुफ्त अनाज वितरण को 4 साल तक बढ़ाने की मंजूरी दे दी। केंद्रीय मंत्री अश्विनी वैष्णव ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में बताया कि सरकार अब 2028 तक गरीबों को मुफ्त अनाज देगी। राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में आयोजित केंद्रीय मंत्रिमंडल की बैठक में कई महत्वाकांक्षी योजनाओं को कैबिनेट में मंजूरी दे दी है. बैठक में प्रधानमंत्री गरीब कल्याण योजना और अन्य कल्याणकारी योजनाओं की आपूर्ति को दिसंबर 2028 तक के लिए बढ़ा दिया गया है. साथ ही कैबिनेट ने सीमावर्ती राज्यों के इलाकों में बुनियादी ढांचे के विकास पर भी जोर दिया है.   केंद्रीय कैबिनेट की बैठक के बाद केंद्रीय मंत्री अश्विनी वैष्णव ने कहा कि पीएम मोदी ने गरीब कल्याण अन्न योजना (PM-GKAY) और अन्य कल्याणकारी योजनाओं के तहत मिड डे मील, मुफ्त राशन, योजना, पीएम पोषण योजना, आईसीडीएस, आकांक्षी की सभी योजनाओं के तहत फोर्टिफाइड चावल की आपूर्ति को जुलाई, 2024 से दिसंबर, 2028 तक जारी रखने की मंजूरी दे दी है. पीएम ने बैठक में सीमावर्ती इलाकों में बुनियादी ढांचे के विकास पर जोर दिया है. आज कैबिनेट ने सीमावर्ती राज्य पंजाब और राजस्थान के इलाकों में 4,406 करोड़ रुपये के निवेश से 2,280 किलोमीटर सड़कों के निर्माण को मंजूरी दी है. केंद्रीय मंत्रिमंडल की बैठक के बाद केंद्रीय मंत्री ने बताया कि आज मंत्रिमंडल ने गुजरात के लोथल में एक राष्ट्रीय समुद्री विरासत परिसर विकसित किया जाएगा मंजूरी दी है. इस प्रस्ताव का मकसद समृद्ध और विविध समुद्री विरासत को प्रदर्शित करना और दुनिया का सबसे बड़ा समुद्री विरासत परिसर बनाना है.  

राहुल गांधी के भाषणों का असर कांग्रेस को मिली जम्मू और हरियाणा में हार!

नई दिल्ली आजकल मीडिया में इस बात के बहुत चर्चे थे कि कांग्रेस नेता राहुल का मेकओवर हो गया है. राहुल गांधी की बातें देश की जनता प्रधानमंत्री से भी अधिक सुन रही है. काग्रेस नेता सुप्रिया श्रीनेत ने तो बकायदा सभी सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म के राहुल गांधी और नरेंद्र मोदी हैंडल के आंकड़ों की तुलना करते हुए इसे साबित भी किया था. इसमें कोई दो राय नहीं हो सकती कि राहुल गांधी आजकल कुछ भी बोलते हैं सभी नैशनल टीवी चैनल उनको कवर करते हैं क्योंकि जनता उन्हें सुनना चाह रही है. पर जब आप बेवजह की बातें करने लगते हैं तो जनता के लिए वे बातें ओवरडोज हो जातीं हैं. क्या ऐसा ही कुछ राहुल गांधी के साथ भी हुआ है? क्योंकि जम्मू में नेशनल कॉन्फ्रेंस जैसा एक मजबूत साथी का समर्थन होने के बावजूद कांग्रेस का वहां से सफाया हो गया है.कांग्रेस को जम्मू में केवल एक मुस्लिम प्रत्याशी वाली सीट ही मिल सकी है. जबकि नेशनल कान्फ्रेंस ने जम्मू की कई सीटें हिंदू प्रत्याशी खडे़ कर भी जीत लिए हैं. यहां तक कि जम्मू कश्मीर बीजेपी प्रेसिडेंट रविंद्र रैना को भी हराने वाला नेशनल कॉन्फेंस का एक हिंदू प्रत्याशी ही है. यहां हिंदू प्रत्याशी और मुस्लिम प्रत्याशी का नाम इसलिए लिया जा रहा है ताकि यह बताया जा सके वोटों का ध्रुवीकरण कम से कम जम्मू में हिंदू मुस्लिम के नाम पर नहीं हुआ है. इसके बावजूद जम्मू में कांग्रेस की दाल नहीं गली है. 1- हरियाणा और जम्मू में नहीं चला राहुल गांधी की बातों का जोर राहुल गांधी ने इस बार के चुनावों में बीजेपी में चुनाव प्रचार के महारथी कहे जाने वाले प्रधानमंत्री मोदी से भी कहीं अधिक रैलियां , सभाएं और रोड शो किया. पर जाट बेल्ट तक में कांग्रेस की हालत खराब रही. कांग्रेस की लहर के बावजूद बीजेपी अगर हरियाणा में तीसरी बार पूरे बहुमत के साथ अगर सरकार बनाने जा रही है तो इसका मतलब है कि राहुल गांधी का करिष्मा काम नहीं किया है. उनके साथ उनकी बहन प्रियंका भी पूरी तरह लगी हुईं थीं. जम्मू में भी अब तक की सबसे बड़ी हार कांग्रेस को देखने को मिली है. कांग्रेस जम्मू कश्मीर में 32 सीटों पर चुनाव लड़ी, जिनमें से 10 सीटों पर मुस्लिम कैंडिडट उतारे और 22 हिंदुओं को टिकट दिया.पर जम्मू में कांग्रेस को एक भी सीट नहीं मिली. जबकि नेशनल कॉन्फ्रेंस को कुल 42 सीटों पर जीत मिली है जिसमें कुछ सीटें उसने जम्मू में हिंदू कैंडिडेट खडा़ कर भी जीत लिया है. पर कांग्रेस जम्मू से साफ हो गई है. कश्मीर में उसे 6 सीटें मिलीं हैं पर वो सभी मु्स्लिम कैंडिडेट वाली सीटें आईं हैं.मतलब साफ है कि कांग्रेस की स्थिति बीजेपी से तो खराब रही है नेशनल कॉन्फ्रेंस से भी खराब रहीं. इसका एक और मतलब निकलता है कि जम्मू कश्मीर में कांग्रेस को मिली सीटें भी नेशनल कॉन्फ्रेंस की बदौलत ही आईं हैं. जाहिर है कि हरियाणा और जम्मू में कांग्रेस को मिली हार से राहुल गांधी के भाषणों और मुद्दों को तो टार्गेट किया जाएगा. 2-जाति जनगणना का मुद्दा क्या उल्टा पड़ गया हरियाणा में हरियाणा में जिस तरह कांग्रेस को हार मिली है और जिस तरह बीजेपी के प्रत्य़ाशियों को जाट सीटों पर वोट मिले हैं उसका सीधा मतलब है कि जाति जनगणना का मुद्दा नहीं चला है. हरियाणा में ओबीसी वोटर्स ने बीजेपी का साथ पूरी ईमानदारी के साथ दिया है.विनेश फोगाट का मुकाबला बीजेपी के एक ओबीसी कैंडिडेट से था. बीजेपी को भी ऐसा लग रहा था कि योगेश बैरागी कहीं विनेश के सामने टिक नहीं रहे हैं. इसलिए ही शायद बीजेपी ने यहां कम ध्यान दिया. पर विनेश के मुकाबले योगेश को केवल 6 हजार वोट कम मिले हैं. ये बताता है कि विनेश को पिछड़ी जातियों के वोट नहीं मिले.मतलबा साफ है कि राहुल गांधी के सामाजिक न्याय की बातें हरियाणा की जनता को हजम नहीं हुईं. 3-जिसकी जितनी हिस्सेदारी उसकी उतनी भागीदारी कभी नहीं भाएगी कांग्रेस के कोर वोटर्स को राहुल गांधी अपने गुरु ओवरसीज कांग्रेस के अध्यक्ष सैम पित्रोदा की इच्छानुसार कई बार देश की संपत्तियों के बंटवारे की बात करते रहे हैं. इसके साथ ही जाति जनगणना के पीछे उनका इरादा है कि देश में अमीरों की संपत्ति का बंटवारा किया जा सके. वैसे तो हरियाणा में उन्होंने इस मुद्दे पर जोर नहीं दिया नहीं तो जाटों का वोट भी कांग्रेस को नहीं मिलता . क्योंकि हरियाणा में जाटों के पास सबसे अधिक जमीन है.वह कभी नहीं चाहेंगे कि उनकी जमीन का बंदरबांट हो.दरअसल राहुल गांधी की ये विचारधारा उन्हें वामपंथ के नजदीक ले जाती है. जबकि वामपंथी विचारधार अब पूरी दुनिया से खत्म हो चुकी है. 4-संविधान बचाओ- आरक्षण बचाओ नारे की हवा निकली हरियाणा में जिस तरह दलितों ने बीजेपी या अन्य को वोट दिया है उससे नहीं लगता है कि अब संविधान बचाओ-आरक्षण बचाओ का मुद्दा रह गया है. हो सकता है कि दलितों का वोट बीजेपी को नहीं मिला हो. पर यह भी तय है कि कम से कम कांग्रेस को नहीं मिला है. लोकसभा चुनावों में उत्तर प्रदेश में दलित वोटों जरूर विपक्ष को गए थे. हरियाणा के विश्वेषण से ऐसा लगता है कि दलित वोटों पर प्रभाव इस नारे का नहीं था. इसके लिए यूपी चुनावों की फिर से विश्लेषण करना होगा. 5-अडानी और अंबानी के खिलाफ एजेंडा राहुल गांधी के भाषणों में अब भी अडानी और अंबानी छाए रहते हैं. बार-बार वो याद दिलाते हैं कि राम मंदिर के उद्घाटन के समय अडानी-अंबानी और अमिताभ बच्चन दिखे. गरीब , दलित और पिछड़े नहीं दिखे. वो अपने भाषणों में साबित करते हैं कि पीएम मोदी जो भी करते हैं वो अपने दोस्तों अडानी और अंबानी के लिए करते हैं. दूसरी तरफ कांग्रेस सरकारें अडानी- अंबानी के साथ मधुर रिश्ते रखती हैं इसका जवाब वो नहीं देते. हरियाणा में चुनाव के दौरान उन्होंने एक दिन कहा कि अंबानी के घर शादी में कौन गया था. आपने देखा वहां मोदी गए थे पर मैं नहीं गया था.जाहिर है कि अडानी-अंबानी की बातें लोगों को अब ओवरडोज हो रही हैं.    

प्रधानमंत्री मोदी ने कहा- हरियाणा में मिले इस जनादेश की गूंज दूर दूर तक जाएगी

नई दिल्ली हरियाणा में हुए विधानसभा चुनाव में भाजपा ने एक बार फिर ऐतिहासिक जीत हासिल की है। इस हैट्रिक पर भाजपा मुख्यालय में विजय उत्सव मनाया गया। इस मौके पर प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी भी शामिल हुए। उन्होंने इस मौके पर कार्यकर्ताओं को संबोधित भी किया। प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि हरियाणा ने एक बार फिर कमाल कर दिया। आज नवरात्रि का छठा दिन मां कात्यायिनी का दिन है, जो शेर पर सवार होकर हाथ में कमल लिए हुए हैं। ऐसे में हरियाणा में कमल-कमल हो गया। उनका भी आशीर्वाद हमें मिला। गीता की धऱती पर हमें हर जाति और वर्ग के लोगों ने वोट दिया है। उन्होंने कहा कि जम्मू कश्मीर में भी दशकों के बाद शांतिपूर्ण मतदान हुए। यह भारत के लोकतंत्र की जीत है। नेशनल कांफ्रेस को ज्यादा सीट दी, उन्हें भी शुभकामना। जम्मू कश्मीर वोट शेयर के हिसाब से भाजपा सबसे बड़ी पार्टी बनकर उभरी है। मैं हरियाणा और जम्मू कश्मीर में जीत हासिल करने वाले सभी उम्मीदवारों और वहां की जनता को बहुत बहुत बधाई देता हूं।साथ ही भाजपा कार्यकर्ताओं के तप के लिए नमन करता हूं। उन्होंने कहा कि हरियाणा के जीत कार्यकर्ताओं के अथक परिश्रम और टीम वर्क का परिणाम है, मुख्यमंत्री की विनम्रता की जीत है। आज हरियाणा में झूठ पर काम की गारंटी जीत है। एक इतिहास रच दिया आज इतिहा। 1966 में गठन के बाद से आज तक बहुत से नेताओं ने नेतृत्व किया, दिग्गज नेता हुए वहां जिन्हें देश भर में पहचान मिली। अब तक 13 चुनावों में से पिछले 10 में हर बार सरकार बदली। पर जो पहले कभी नहीं हुआ, वो इस बार हुआ। इस बार पिछले दो कार्यकाल पूरी करने वाली सरकार को तीसरी बार मौका मिला है, यह भाजपा के लिए गर्व का विषय है। तीसरी बार सरकार बनी ही नहीं है बल्कि सीटें भी ज्यादा और वोट प्रतिशत भी ज्यादा इस जनादेश की गूंज दूर दूर तक जाएगी। छप्पर फाड़ जीत है ये। भाजपा दुनिया बड़ा दल ही नहीं है, सबसे ज्यादा दिलों में भी बसी है। यह विकास के मुद्दे पर हैट्रिक है। उन्होंने कहा कि मध्य प्रदेश और गुजरात के लोगों ने कांग्रेस के कुशासन से दो दशक पहले मुक्ति मिली है। गोवा, त्रिपुरा, उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड, समेत अनेक राज्यों में भाजपा लगातार दूसरी बार सत्ता में आई है। कांग्रेस को पता ही नहीं है कि वे जहां सत्ता में थे वे वहां दूसरी बार कब लौटे, 13 साल पहले असम में, कहीं भी सैकेंड टर्म नहीं मिला अब तक। कांग्रेस कुछ राज्यों में 50 या 60 साल पहले सत्ता में थी, तब से आई नहीं। एक बार निकाल दिया तो दोबारा घुसने नहीं दिया। कई राज्यों में नो इंट्री का बोर्ड लगा रखा है। कांग्रेस सोचती थी कि बिना काम किए भी सत्ता पर उसका जन्मसिद्ध अधिकार है। पर अब लोग काम को चुनते हैं। अब कांग्रेस समाज में जाति का जहर फैलाने पर उतर आई है। जो मुंह में सोने का चम्मच लेकर पैदा हुए वे गरीब को जाति के नाम पर लड़वाना चाहती है। हमें भूलना नहीं है कि द ये लोग कभी किसी दलित आदिवासी को प्रधानमंत्री बनने नहीं देंगे। पीएम मोदी ने कहा कि हरियाणा में भी इन्होंने दलितों और पिछड़ों को अपमानित किया। कांग्रेस के शाही परिवार ने तो घोषित किया था कि वह दलितों का आरक्षण छीन कर अपनो वोट बैंक में बांटना चाहती थी। समाज को कमजोर कर अराजकता फैला कर देश को कमजोर करना चाहती है। वे लगातार देश में आग लगाने की कोशिश कर रहे हैं। किसानों को भड़काने का प्रयास किया लेकिन हरियाणा के किसानों ने , उन्हें जवाब दिया और षड़्यंत्र को पहचाना। उनका जवाब है कि देश के साथ हैं भाजपा के साथ हैं। सेना के नाम पर भी युवाओं को भड़काने का काम किया पर नाकाम रहे। हरियाणा की हर विरादरी और हर परिवार ने देश हित में वोट किया। देशभक्तों को बांटने की साजिश को फेल कर दिया। प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि अन्तरराष्ट्रीय स्तर पर भारत को कमजोर करने की साजिशें रची जा रही हैं। मैं जिम्मेदारी से कह रहा हूं कि कांग्रेस और उसके कुछ संगी साथी इस साजिश में शामिल हैं। हमें संकल्प लेना होगा कि हम इनकी साजिश का शिकार नहीं बनेंगे और देश को विकास के रास्ते से नहीं उतरने देंगे। कांग्रेस अब परजीवी पार्टी हो गई है। हरियाणा में यही दिखा और जम्मू कश्मीर में भी। लोकसभा चुनाव में भी कांग्रेस जितनी भी सीटें जीती वहां आधी से अधिक वह अपने सहयोगियों के बल ही जीती है। कांग्रेस ऐसी परजीवी पार्टी है जो अपने सहयोगियों को निगल जाती है। पीएम मोदी ने कहा कि कांग्रेस ऐसा देश बनाना चाहती हैं जो अपनी विरासत पर गर्व का विरोध करती है। कांग्रेस देश की हर संस्था पर दाग लगाना चाहती है। कांग्रेस और उनके अर्बन नक्सल साथी चुनाव आयोग की निष्पक्षता पर बट्टा लगाने का काम किया है। लोक सभा चुनाव से लेकर अब हरियाणा चुनाव ने कांग्रेस ने यही किया है। कांग्रेस बड़ी बेशर्मी से ऐसी करतूतें करती आ रही है। जम्मू कश्मीर का यह चुनाव कई मामलों में ऐतिहासिक रहा। आजादी के सात दशक बाद संविधान पूरी तरह लागू होने के बाद यह पहला चुनाव। कई लोगों ने पहली बार वोट डाला। कश्मीर जला नहीं, खिला है खिलखिलाया है। जिस तरह से लोगों मतदान किया वह बहुत सकारातम्क है। कर्फ्यू और बंद से उबर आया है कश्मीर. बीडीसी के चुनाव, डीडीसी से लेकर अब विधानसभा तक जनता के द्वारा चुने हुए प्रतिनिधि काम करेंगे। प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि भाजपा सरकार हरियाणा की उपज को दुनिया के हर कोने में पहुंचाना चाहती है। हरियाणा खाने के तेल में आत्मनिर्भरता के क्षेत्र में सहयोग कर रहा है। हरियाणा के युवाओं में ने हर क्षेत्र में धूम मचाई है। हम युवाओं के लिए निवेश को बढ़ावा देंगे। खेलों की महाशक्ति बनेगा भारत और उसमें हरियाणा के युवाओं की बड़ी भूमिका। हरियाणा के छोरा-छोरी कमाल करेंगे और यहीं से बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ की शुरूआत हुई थी। महिलाओं के लिए अनेक योजनाएं राज्य में लागू की जाएंगी। प्रधानमंत्री ने इस बात पर गर्व किया कि हमारी केन्द्र सरकार से लेकर राज्यों की सरकार … Read more

दुबई से 11 करोड़ का हवाला के जरिए लेनदेन, राजस्थान-बीकानेर में ड्रोन से पाकिस्तान से पहुंचाई हेरोइन

बीकानेर. जिले से लगती पाक सीमा की नीलकंठ पोस्ट के पास बीती 2 अक्टूबर को ड्रोन के जरिये गिराई गई हेरोइन के मामले में तस्करों से की जा रही पूछताछ में चौंकाने वाले खुलासे हुए हैं। संयुक्त जांच एजेंसियों की तस्करों से पूछताछ में सामने आया है कि पाक में बैठे तस्कर ने ही हेरोइन को गिराने की लोकेशन तय की थी और इसके पैसों का लेनदेन हवाला के जरिए दुबई से किया गया था। गौरतलब है कि खाजूवाला बॉर्डर एरिया में बीएसएफ को नीलकंठ पोस्ट के पास एक ड्रोन और करीब 11 करोड़ रुपये की 2 किलो हीरोइन बरामद हुई थी। इस मामले को लेकर पुलिस और बीएसएफ ने 6 तस्करों को गिरफ्तार किया था। पुलिस, सीआईडी आईबी, बीएसएफ द्वारा तस्करों से 2 दिन की पूछताछ के बाद चौंकाने वाले खुलासे हुए हैं। हेरोइन तस्करी की डील पंजाब में बैठे मुख्य तस्कर ने पाकिस्तानी तस्कर से की थी। इस काम के लिए उन्होंने हाल ही में रोहतक जेल से छूट बलदेव सिंह को केरियर बनाया था। सौदा डेढ़ लाख रुपये में तय हुआ था और एक लाख रुपए अहमद ने दुबई से हवाला के जरिए बलदेव के बताए गए बैंक अकाउंट में ट्रांसफर किए थे लेकिन बीएसएफ पुलिस की चौकसी के चलते तस्कर अपने मकसद में कामयाब नहीं हो पाए। बताया जा रहा है कि बलदेव सिंह पिछले एक साल से पाकिस्तानी तस्कर अहमद के संपर्क में था। पुलिस ने इस मामले में पंजाब के फाजिल्का के बलजीत सिंह, हरभजन सिंह, अमरीक सिंह, मस्तान सिंह और हनुमानगढ़ निवासी महेंद्र सिंह और परगट सिंह को गिरफ्तार किया है। वहीं एक अन्य आरोपी तारा सिंह अभी फरार चल रहा है। मामले की जांच छतरगढ़ थाना प्रभारी संदीप कुमार कर रहे हैं। BSF अधिकारियों के अनुसार ड्रोन का इस्तेमाल तस्करों द्वारा तेजी से किया जा रहा है, क्योंकि यह सीमा पर लगे कड़े सुरक्षा इंतजामों को चकमा देने का एक नया तरीका है। सुरक्षा एजेंसियों ने हाल के महीनों में ऐसे कई ड्रोन पकड़े हैं, जिनके जरिए नशीले पदार्थ और हथियार भारतीय क्षेत्र में भेजे जा रहे हैं। इस घटना के बाद सुरक्षा बलों ने सीमा पर निगरानी और सख्त कर दी है। ड्रोन के खिलाफ लड़ाई को और कारगर बनाने के लिए उन्नत तकनीकों का इस्तेमाल किया जा रहा है। अधिकारियों ने कहा कि तस्करों के इन प्रयासों को विफल करने के लिए सुरक्षा बल पूरी तरह से सतर्क हैं और इस तरह की घटनाओं पर कड़ी नजर रखी जा रही है।

मध्य प्रदेश में रजिस्ट्री की प्रक्रिया हुई डिजिटल, रजिस्ट्री ऑफिस के चक्कर लगाने से मिलेगी राहत, जानें संपदा 2.0 के फायदे

भोपाल मध्यप्रदेश में अब जमीन या मकान-दुकान की रजिस्ट्री कराना बहुत आसान हो गया है। 10 अक्टूबर से नए नियम लागू हो रहे हैं, जिसमें अब आपको गवाह लाने की ज़रूरत नहीं पड़ेगी और न ही बार-बार रजिस्ट्री ऑफिस के चक्कर लगाने पड़ेंगे। इसे लेकर एमपी के फाइनेंस मिनिस्टर जगदीश देवड़ा ने बताया कि रजिस्ट्री प्रक्रिया को पूरी तरह डिजिटल बनाया जा रहा है। इसके लिए संपदा 2.0 नाम का एक नया सॉफ्टवेयर लॉन्च किया जा रहा है। सीएम डॉक्टर मोहन यादव 10 अक्टूबर को इसका शुभारंभ करेंगे। सॉफ्टवेयर का यहां हुआ पायलट प्रोजेक्ट इससे पहले संपदा 2.0 सॉफ्टवेयर को गुना, हरदा, डिंडौरी और रतलाम जिलों में पायलट प्रोजेक्ट के तौर पर चलाया गया था। जहां इसे अच्छी प्रतिक्रिया मिली। अब इसे पूरे प्रदेश के 55 जिलों में लागू किया जा रहा है। इन सुविधाओं का मिलेगा फायदा नए नियमों के तहत, खरीदार और विक्रेता की पहचान आधार और पैन कार्ड से होगी। संपदा 2.0 में ई-केवाईसी से पहचान की जाएगी। वीडियो केवाईसी की सुविधा भी होगी। इसके अलावा संपत्ति की जीआईएस मैपिंग, बायोमेट्रिक पहचान और दस्तावेजों का अपने आप फॉर्मेट होना जैसी कई नई सुविधाएं भी शामिल हैं। डिजिटल सिग्नेचर से तैयार किए जा सकेंगे डॉक्यूमेंट सबसे बड़ी बात यह है कि संपदा 2.0″ के जरिए डिजिटल सिग्नेचर से डॉक्यूमेंट तैयार किए जा सकेंगे। इसका मतलब है कि अब रजिस्ट्री कराने के लिए रजिस्ट्री ऑफिस जाने की भी ज़रूरत नहीं पड़ेगी। पंजीयन अधिकारी से वीडियो कॉल के जरिए भी बात की जा सकेगी। दस्तावेजों की ई-कॉपी डिजी लॉकर, व्हाट्सएप और ई-मेल पर भी होगी। इसकी मदद से रजिस्ट्री प्रक्रिया में आसानी और पारदर्शिता भी आएगी।

slot server thailand super gacor

spaceman slot gacor

slot gacor 777

slot gacor

Nexus Slot Engine

bonus new member

olympus

situs slot bet 200

slot gacor

slot qris

link alternatif ceriabet

slot kamboja

slot 10 ribu

https://mediatamanews.com/

slot88 resmi

slot777

https://sandcastlefunco.com/

slot bet 100

situs judi bola

slot depo 10k

slot88

slot 777

spaceman slot pragmatic

slot bonus

slot gacor deposit pulsa

rtp slot pragmatic tertinggi hari ini

slot mahjong gacor

slot deposit 5000 tanpa potongan

mahjong

spaceman slot

https://www.deschutesjunctionpizzagrill.com/

spbo terlengkap

cmd368

368bet

roulette

ibcbet

clickbet88

clickbet88

clickbet88

bonus new member 100

slot777

https://bit.ly/m/clickbet88

https://vir.jp/clickbet88_login

https://heylink.me/daftar_clickbet88

https://lynk.id/clickbet88_slot

clickbet88

clickbet88

https://www.burgermoods.com/online-ordering/

https://www.wastenotrecycledart.com/cubes/

https://dryogipatelpi.com/contact-us/

spaceman slot gacor

ceriabet link alternatif

ceriabet rtp

ceriabet

ceriabet link alternatif

ceriabet link alternatif

ceriabet login

ceriabet login

cmd368

sicbo online live

Ceriabet Login

Ceriabet

Ceriabet

Ceriabet

Ceriabet

casino online

clickbet88

login kudahoki88

Ceriabet

Ceriabet

Ceriabet

slot olympus

sbobet

slot thailand

sbobet